दिवाली-छठ पर दिल्ली से पटना जाना होगा आसान, वंदे भारत स्पेशल ट्रेन का शेड्यूल जारी, जानें रूट और टाइमिंग

नई दिल्ली। दिवाली और छठ पर बिहार जाने वालों के लिए रेलवे ने खास ट्रेन चलाने का फैसला किया है। नई दिल्ली से पटना के बीच वंदे भारत स्पेशल ट्रेन चलेगी। इससे पैसेंजर को सफर के लिए एक और ऑप्शन मिलेगा। रेलवे ने ट्रेन का समय और रूट भी जारी कर दिया है।

इस दिन और इस टाइम पर चलेगी दिल्ली से पटना की ट्रेन

रेलवे के शेड्यूल के मुताबिक, ट्रेन नंबर 02254 नई दिल्ली से पटना के बीच 22 अक्टूबर से 26 नवंबर 2026 तक चलेगी। यह ट्रेन हफ्ते में तीन दिन चलेगी।

• नई दिल्ली से रवाना होने का समय: सुबह 8:35 बजे

• पटना पहुंचने का समय: रात 9:30 बजे

• चलने के दिन: रविवार, मंगलवार और गुरुवार

वापसी में ट्रेन नंबर 02253 पटना से नई दिल्ली के लिए 24 अक्टूबर से 28 नवंबर 2026 तक चलेगी।

• पटना से रवाना होने का समय: सुबह 10 बजे

• नई दिल्ली पहुंचने का समय: रात 11:30 बजे

• चलने के दिन: शनिवार, सोमवार और बुधवार

दिल्ली और पटना के बीच चलने वाली यह ट्रेन उत्तर प्रदेश और बिहार के पैसेंजर के लिए भी उपयोगी होगी। रास्ते में इन 6 स्टेशनों पर रुकेगी ट्रेन:

1. अलीगढ़

2. कानपुर सेंट्रल

3. प्रयागराज

4. पंडित दीनदयाल उपाध्याय जंक्शन

5. बक्सर

6. आरा

इस ट्रेन में AC चेयर कार की सुविधा होगी। दिवाली और छठ पर घर जाने वाले लोग इसमें टिकट बुक कर सकते हैं। टिकट और किराए की जानकारी रेलवे IRCTC की आधिकारिक वेबसाइट https://www.irctc.co.in/nget पर मिल जाएगी।

दिल्ली से शुभांगी तिवारी की रिपोर्ट

दिल्ली से UP-बिहार जाने वालों को मिलेगी राहत? दिवाली-छठ पर चलेगी वंदे भारत स्पेशल, जानें पूरा शेड्यूल

Vande Bharat Special Train: दिवाली और छठ महापर्व के दौरान दिल्ली से उत्तर प्रदेश आने-जाने वाले यात्रियों के लिए बड़ी खुशखबरी है। दरअसल, भारतीय रेलवे ने त्योहारों पर बढ़ती भीड़ को देखते हुए अतिरिक्त ट्रेन चलाने की तैयारी शुरू कर दी है। वहीं, उत्तर रेलवे ने नई दिल्ली-पटना के बीच वंदे भारत स्पेशल ट्रेन चलाने का प्रस्ताव भी रेलवे बोर्ड को भेज दिया है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, प्रस्तावित ट्रेन करीब 994 किलोमीटर का सफर लगभग 13 घंटे में पूरा कर सकती है। हालांकि, अभी ट्रेन के संचालन को लेकर अंतिम फैसला नहीं हुआ है। रेलवे बोर्ड की मंजूरी मिलने के बाद ही इसके चलने की तारीख, समय और अन्य जानकारी साफ होगी।

यूपी के कई स्टेशनों पर रुकेगी ट्रेन

अगर इस वंदे भारत स्पेशल को मंजूरी मिलती है, तो दिल्ली से यूपी और बिहार जाने वाले यात्रियों को कई प्रमुख शहरों के लिए सीधी ट्रेन का विकल्प मिल सकता है। प्रस्ताव के मुताबिक, ट्रेन नई दिल्ली से चलकर अलीगढ़, कानपुर सेंट्रल, प्रयागराज और पंडित दीनदयाल उपाध्याय जंक्शन पर रुकेगी। इसके बाद ट्रेन बक्सर और आरा होते हुए पटना पहुंचेगी। यानी दिल्ली से कानपुर, प्रयागराज, अलीगढ़ और आसपास के इलाकों में आने-जाने वाले यात्रियों के लिए यह ट्रेन काफी काम की हो सकती है।

दीपावली और छठ के दौरान घर जाने वाले यात्रियों की संख्या बढ़ने से दिल्ली से यूपी और बिहार जाने वाली ट्रेनों में काफी दबाव रहता है। ऐसे में अगर रेलवे बोर्ड से मंजूरी मिलती है, तो यह वंदे भारत स्पेशल त्योहार के समय यात्रियों को भीड़ से राहत देने और सफर के लिए एक अतिरिक्त विकल्प देने में मदद कर सकती है।

21 अक्टूबर से संचालन का प्रस्ताव, त्योहार में बढ़ेंगे विकल्प

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, पहली ट्रेन जोड़ी 02252/02251 को नई दिल्ली से 21 अक्टूबर से 25 नवंबर तक सोमवार, बुधवार और शनिवार को चलाने का प्रस्ताव है। वापसी में पटना से यह ट्रेन 22 अक्टूबर से 26 नवंबर तक मंगलवार, गुरुवार और रविवार को चल सकती है। इसके अलावा, 02253/02254 ट्रेन जोड़ी चलाने का भी प्रस्ताव है। मंजूरी मिलने पर त्योहारों के दौरान दिल्ली से यूपी और बिहार जाने वाले यात्रियों को एक अतिरिक्त ट्रेन का विकल्प मिलेगा। हालांकि, अंतिम फैसला रेलवे बोर्ड की मंजूरी के बाद ही होगा।

कब-कब चलेगी वंदे भारत स्पेशल?

प्रस्ताव के मुताबिक, वंदे भारत स्पेशल नई दिल्ली से सुबह 8:35 बजे रवाना होकर दोपहर करीब 2:45 बजे प्रयागराज पहुंच सकती है। इसके बाद पंडित दीनदयाल उपाध्याय जंक्शन, बक्सर और आरा होते हुए ट्रेन रात करीब 9:30 बजे पटना पहुंचने का प्रस्ताव है।

वापसी में ट्रेन पटना से सुबह 10 बजे चलकर दोपहर 3:35 बजे प्रयागराज और रात करीब 11:30 बजे नई दिल्ली पहुंच सकती है। मंजूरी मिलने पर यह टाइमिंग दिल्ली और यूपी के बीच सफर करने वालों के लिए एक और विकल्प दे सकती है।

दिल्ली-यूपी सफर के लिए कितना देना होगा किराया

प्रस्ताव के मुताबिक, नई दिल्ली से पटना तक एसी चेयर कार का किराया भोजन सहित करीब 2,575-2,600 रुपये हो सकता है। वहीं, एग्जीक्यूटिव चेयर कार का किराया करीब 4,650-4,680 रुपये रहने का अनुमान है।

हालांकि, यह अभी प्रस्तावित किराया है। अंतिम किराया रेलवे बोर्ड की मंजूरी के बाद तय होगा। वहीं, दिल्ली से कानपुर या प्रयागराज तक जाने वालों का किराया अलग होगा, जिसकी सही जानकारी बुकिंग शुरू होने पर IRCTC पर मिलेगी।

Surat-Udaipur Vande Bharat Express: नई वंदे भारत एक्सप्रेस की बुकिंग शुरू! जानिए इसका टाइम-टेबल, रूट, स्टॉपेज और किराए की सारी डिटेल

Surat-Udaipur Vande Bharat Express: नई वंदे भारत ट्रेन सूरत और उदयपुर के बीच चलेगी। इस ट्रेन में यात्रा करने का इंतजार कर रहे यात्रियों के लिए खुशखबरी है। सूरत और उदयपुर के बीच प्रस्तावित नई वंदे भारत एक्सप्रेस के लिए बुकिंग गुरुवार, 1 अक्टूबर को शुरू हो गई है। इससे यात्रियों को दक्षिण गुजरात और राजस्थान के बीच तेज सेमी-हाई-स्पीड रेल कनेक्शन मिलेगा।

पश्चिमी रेलवे के मुंबई सेंट्रल डिवीजन ने बताया कि ट्रेन संख्या 26903/26904 के लिए पैसेंजर रिजर्वेशन सिस्टम (PRS) काउंटर और IRCTC वेबसाइट के जरिए रिजर्वेशन शुरू हो गए हैं। नई वंदे भारत सेवा मंगलवार को छोड़कर, हफ्ते में सीभी छह दिन चलेगी। रेलवे अधिकारियों ने कहा कि यह ट्रेन सूरत और उदयपुर के बीच कनेक्टिविटी को बेहतर बनाएगी और बिजनेस, टूरिज्म और दूसरे कामों के लिए यात्रा करने वाले यात्रियों को फायदा पहुंचाएगी।

कब शुरू होगी सूरत-उदयपुर वंदे भारत?

सूरत-उदयपुर वंदे भारत एक्सप्रेस इस वीकेंड से चलना शुरू होगी। सूरत-उदयपुर ट्रेन (26903) रविवार, 4 अक्टूबर को सूरत से अपनी पहली यात्रा शुरू करेगी, जबकि वापसी उदयपुर-सूरत सर्विस (26904) शनिवार, 3 अक्टूबर से शुरू होगी।

वंदे भारत ट्रेन का समय क्या है?

सूरत-उदयपुर वंदे भारत एक्सप्रेस करीब 690 km का सफर करीब साढ़े सात घंटे में पूरा करेगी।

ट्रेन (26903) सूरत से सुबह 6:10 बजे निकलेगी और उसी दिन दोपहर 1:40 बजे उदयपुर पहुंचेगी।

वापसी वाली ट्रेन (26904) उदयपुर से दोपहर 3:35 बजे निकलेगी और रात 11 बजे सूरत पहुंचेगी।

सूरत से यात्रा करने वाले यात्री दोपहर तक उदयपुर पहुंच सकेंगे, जबकि राजस्थान से लौटने वाले यात्री देर रात सूरत पहुंच सकते हैं।

स्टेशन जहां ट्रेन रुकेगी

वंदे भारत एक्सप्रेस दोनों दिशाओं में नौ स्टेशनों पर रुकेगी।

स्टॉपेज में भरूच, वडोदरा, आनंद, मणिनगर, असरवा (अहमदाबाद), हिम्मतनगर, शामलाजी रोड, डूंगरपुर और जावर शामिल हैं।

यह सेवा वडोदरा, आणंद और अहमदाबाद सहित गुजरात के बड़े शहरों से यात्रियों को सीधी कनेक्टिविटी देगी, साथ ही उदयपुर और राजस्थान के दूसरे हिस्सों तक पहुंच को बेहतर बनाएगी।

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HDFC Bank Share: चार ब्रोकरेज का बुलिश रुख, ₹1150 तक का टारगेट दिया

HDFC Bank Share: प्राइवेट सेक्टर के HDFC Bank के शेयरों ने पिछले 1 साल में काफी कमजोर प्रदर्शन किया है। इस दौरान बैंक से जुड़े कई विवाद भी हुए। अब नए MD और CEO नियुक्त करने की प्रक्रिया चल रही है। ब्रोकरेज का मानना है कि HDFC Bank के शेयरों में अब तेजी देखने को मिल सकता है।

HDFC Bank का शेयर पिछले कारोबारी सत्र में 2.55% चढ़कर ₹731.20 पर बंद हुआ। हालांकि, पिछले एक साल की तस्वीर देखें तो शेयर अब भी 25% से ज्यादा नीचे है।

चार बड़े ब्रोकरेज हाउस ने HDFC Bank को लेकर अपनी राय जारी की है। Jefferies और Nomura ने शेयर पर ‘Buy’ रेटिंग बरकरार रखी है। वहीं Bernstein और Macquarie ने ‘Outperform’ रेटिंग दी है। इनके टारगेट प्राइस ₹880 से लेकर ₹1,150 तक हैं।

Jefferies ने ₹880 का टारगेट दिया

Jefferies ने HDFC Bank पर ‘Buy’ रेटिंग बरकरार रखी है। ब्रोकरेज ने शेयर का टारगेट प्राइस ₹880 रखा है। यह पिछले क्लोजिंग भाव से देखें तो यह करीब 20.4% ऊपर है।

ब्रोकरेज के मुताबिक, बैंक के बोर्ड ने CEO की नियुक्ति की प्रक्रिया में तेजी दिखाई है। बैंक ने RBI के पास तीन साल के CEO कार्यकाल के लिए दो नाम भेजे हैं। Jefferies का मानना है कि अगर बैंक किसी आंतरिक उम्मीदवार को चुनता है तो बदलाव अपेक्षाकृत आसान हो सकता है।

ब्रोकरेज ने HDFC Bank के डिप्टी मैनेजिंग डायरेक्टर कैजाद भरूचा को प्रमुख आंतरिक उम्मीदवारों में बताया है। Jefferies के मुताबिक, उनके पास करीब 2.8 से 3 साल की कार्यकाल पात्रता बच सकती है।

चारों ब्रोकरेज के टारगेट में कितना अंतर?

ब्रोकरेजरेटिंगटारगेट प्राइस
संभावित रिटर्न

JefferiesBuy₹88020.4%
NomuraBuy₹95029.9%
BernsteinOutperform₹1,15057.2%
MacquarieOutperform₹1,15057.2%

Nomura का टारगेट ₹950

Nomura ने भी HDFC Bank पर ‘Buy’ रेटिंग बरकरार रखी है। ब्रोकरेज ने शेयर का टारगेट प्राइस ₹950 रखा हैयह करीब 29.9% तेजी का संकेत देता है।

Nomura के मुताबिक, RBI को भेजे गए दोनों नामों से आगे अलग-अलग परिस्थितियां बन सकती हैं। अगर आंतरिक उम्मीदवार को CEO बनाया जाता है तो बैंक को कारोबारी निरंतरता का फायदा मिल सकता है।

वहीं, किसी बाहरी उम्मीदवार की नियुक्ति होने पर बैंक के पास लंबी अवधि के लिए नेतृत्व तैयार करने और रणनीति की नए सिरे से समीक्षा करने की गुंजाइश बढ़ सकती है।

Bernstein ने ₹1,150 का टारगेट दिया

Bernstein ने HDFC Bank पर ‘Outperform’ रेटिंग दी है। ब्रोकरेज ने शेयर का टारगेट ₹1,150 रखा है। इसमें करीब 57.2% तेजी की गुंजाइश है।

Bernstein ने खास तौर पर CEO नियुक्ति की टाइमिंग को अहम बताया है। बैंक ने शशिधर जगदीशन का कार्यकाल खत्म होने से काफी पहले RBI को नाम भेजे हैं। जगदीशन का मौजूदा कार्यकाल 26 अक्टूबर को खत्म होना है।

ब्रोकरेज के मुताबिक, बोर्ड आने वाले CEO के लिए तीन साल के कार्यकाल की मांग कर रहा है। इसके अलावा जिमी टाटा को होल टाइम डायरेक्टर बनाने और एक और होल टाइम डायरेक्टर का पद बनाने का प्रस्ताव है।

इससे MD और CEO को छोड़कर बैंक में होल टाइम डायरेक्टरों की संख्या चार हो जाएगी।

Macquarie भी ₹1,150 पर बुलिश

Macquarie ने HDFC Bank पर ‘Outperform’ रेटिंग बरकरार रखते हुए टारगेट प्राइस ₹1,150 रखा है। यह भी करीब 57.2% तेजी का संकेत देता है।

Macquarie का कहना है कि बोर्ड की हालिया कार्रवाई से CEO उत्तराधिकार को लेकर कुछ स्पष्टता आई है। हालांकि, ब्रोकरेज के मुताबिक असली अहमियत अंतिम CEO नियुक्ति की होगी।

ब्रोकरेज का मानना है कि एक और होल टाइम डायरेक्टर की नियुक्ति से बैंक के वरिष्ठ प्रबंधन में गहराई बढ़ेगी। इससे CEO उत्तराधिकार की प्रक्रिया ज्यादा संस्थागत हो सकती है। नए CEO से अतिरिक्त पद पर नियुक्ति को लेकर सलाह लिए जाने की भी बात कही गई है।

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Nifty Outlook: 21 सितंबर को निफ्टी की चाल कैसी रहेगी, कौन से लेवल अहम रहेंगे? एक्सपर्ट्स से जानिए

Nifty Outlook: शेयर बाजार ने पिछले हफ्ते के आखिरी कारोबारी दिन यानी शुक्रवार को लगातार तीसरे दिन रिकवरी की। हालांकि, कारोबार में उतार-चढ़ाव काफी रहा। इसके बावजूद निफ्टी 75 अंक चढ़कर बंद हुआ। हफ्ते की शुरुआत बाजार ने अच्छी तेजी के साथ की थी। लेकिन ऊपर जाते ही बिकवाली शुरू हो गई। इससे निफ्टी फिर नीचे आ गया।

इसके बाद निचले स्तरों पर खरीदारी लौटी। इससे निफ्टी 23,000 के अहम स्तर के ऊपर बना रहा। हालांकि, पूरे हफ्ते की तस्वीर अभी भी कमजोर रही। निफ्टी लगातार छठे हफ्ते गिरावट में बंद हुआ। इस हफ्ते इंडेक्स 0.22% नीचे रहा।

HDFC Bank और UltraTech में तेजी

निफ्टी के शेयरों में HDFC Bank और UltraTech Cement सबसे ज्यादा चढ़े। दूसरी ओर TCS और TMPV सबसे ज्यादा गिरने वाले शेयर रहे।

सेक्टरों की बात करें तो Cement और Metal शेयरों में खरीदारी दिखी। IT शेयरों पर दबाव बना रहा। बड़े शेयरों के मुकाबले मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों ने बेहतर प्रदर्शन किया। Nifty Midcap 100 में 1.24% और Nifty Smallcap 100 में 1.74% की तेजी रही।

कच्चे तेल से बाजार को मिली राहत

पिछले तीन कारोबारी सत्रों में बाजार को कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट से राहत मिली है। ब्रेंट क्रूड अपने ऊपरी स्तरों से नीचे आया है। सऊदी अरब की पाइपलाइनों की मरम्मत का काम आगे बढ़ा है। इसके अलावा तेल निर्यात के दूसरे रास्ते भी मिले हैं। इससे सप्लाई लंबे समय तक बाधित रहने की चिंता कुछ कम हुई है।

अमेरिकी फेड के ब्याज दर के फैसले के बाद अब बाजार का ध्यान दूसरी चीजों पर है। अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में नरमी आई है। कच्चा तेल भी ऊपरी स्तरों से नीचे आया है। घरेलू बाजार में लिक्विडिटी भी मजबूत है। ऐसे में बाजार को थोड़ी राहत मिल सकती है। हालांकि, अभी इसे पूरी तरह तेजी का संकेत नहीं माना जा सकता।

अभी भी कई बड़े जोखिम

बाजार के सामने चुनौतियां खत्म नहीं हुई हैं। ब्रेंट क्रूड अभी भी 100 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर है। रुपया भी करीब 96 रुपये प्रति डॉलर के आसपास है। इसके अलावा भू-राजनीतिक तनाव भी बड़ा जोखिम है। अमेरिकी बॉन्ड यील्ड और विदेशी निवेशकों की खरीद-बिक्री पर भी बाजार की नजर रहेगी।

अगले हफ्ते घरेलू स्तर पर सितंबर का फ्लैश PMI डेटा आएगा। अगस्त के इंफ्रास्ट्रक्चर आउटपुट के आंकड़े भी आएंगे। इसके अलावा विदेशी मुद्रा भंडार और बैंक क्रेडिट ग्रोथ के आंकड़े भी बाजार को दिशा दे सकते हैं। अमेरिका से इंडस्ट्रियल प्रोडक्शन और कंज्यूमर सेंटीमेंट के आंकड़े आएंगे। चीन के लोन प्राइम रेट पर भी बाजार की नजर रहेगी।

ईरान युद्ध से बढ़ी चिंता

मिडिल ईस्ट में बढ़ता तनाव बाजार के लिए बड़ी चिंता बना हुआ है। अमेरिकी विदेश विभाग ने अपने नागरिकों को मिडिल ईस्ट की यात्रा पर फिर से विचार करने को कहा है।

अमेरिका ने चेतावनी दी है कि ईरान युद्ध तेजी से बढ़ सकता है। वहीं, ईरान ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को लेकर अपना सख्त रुख कायम रखा है। यमन के ईरान समर्थित हूती विद्रोहियों ने भी सऊदी अरब की राजधानी रियाद में मिसाइल और ड्रोन हमले का दावा किया है।

हूती विद्रोहियों के मुताबिक, उन्होंने रियाद में कुछ अहम ठिकानों को निशाना बनाया। इससे कुछ घंटे पहले शहर के मुख्य एयरपोर्ट के पास आग और धुएं का गुबार देखा गया था। हालांकि, स्थानीय अधिकारियों ने इसकी वजह की पुष्टि नहीं की है।

23,500 के ऊपर जाना आसान नहीं

HDFC Securities के नागराज शेट्टी के मुताबिक, निफ्टी में आगे तेजी आती है तो 23,500 से 23,600 का स्तर बड़ी चुनौती होगा। वहीं, गिरावट आने पर 23,100 से 23,000 के बीच सपोर्ट मिल सकता है।

SBI Securities के सुदीप शाह भी 23,150 के आसपास के स्तर को अहम मानते हैं। उनके मुताबिक, निफ्टी अगर लगातार 23,150 के नीचे जाता है तो बिकवाली बढ़ सकती है। ऐसी स्थिति में इंडेक्स 23,000 तक जा सकता है। ऊपर की तरफ 23,500 से 23,520 का स्तर बड़ी रुकावट है। अगर निफ्टी 23,520 के ऊपर टिक गया तो शॉर्ट कवरिंग हो सकती है। इससे इंडेक्स 23,650 तक जा सकता है।

23,550 तक जा सकता है निफ्टी

LKP Securities के रुपक डे का कहना है कि कच्चा तेल अगर 96 डॉलर प्रति बैरल के नीचे रहता है तो बाजार में तेजी टिक सकती है। उनके मुताबिक, निफ्टी के लिए 23,000 से 23,100 का स्तर अहम सपोर्ट है। मौजूदा रिकवरी जारी रहती है तो इंडेक्स 23,550 तक जा सकता है।

Angel One के हितेश राठी के मुताबिक, 23,100 से 23,000 का जोन अहम सपोर्ट है। वहीं, 23,250 से 23,200 के आसपास भी सहारा मिल सकता है। ऊपर की तरफ 23,450 से 23,500 का स्तर रेजिस्टेंस है। इसके बाद 23,600 अहम रहेगा। खास बात यह है कि 23,600 पहले सपोर्ट था। अब यह रेजिस्टेंस की तरह काम कर सकता है।

Dividends Stocks: इस हफ्ते डिविडेंड की बहार! जानिए IRCTC, Dixon और BEML जैसी कंपनियों की रिकॉर्ड डेट

Disclaimer: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए सलाह या विचार एक्सपर्ट/ब्रोकरेज फर्म के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदायी नहीं है। यूजर्स को मनीकंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले हमेशा सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Dividends Stocks: इस हफ्ते डिविडेंड की बहार! जानिए IRCTC, Dixon और BEML जैसी कंपनियों की रिकॉर्ड डेट

Dividends, Stock Splits, Bonus this week: इस हफ्ते 170 से ज्यादा कंपनियों के शेयर डिविडेंड, स्टॉक स्प्लिट और बोनस जैसे कॉरपोरेट एक्शन के चलते फोकस में रहेंगे। इनमें IRCTC, Dixon Technologies और BEML समेत कई कंपनियां शामिल हैं। रिकॉर्ड डेट 21 से 25 सितंबर के बीच है।

कॉरपोरेट एक्शन का फायदा लेने के लिए रिकॉर्ड डेट पर शेयर डीमैट अकाउंट में होना जरूरी है। यह लिस्ट अस्थायी है। हफ्ते के दौरान कुछ और कंपनियां भी रिकॉर्ड डेट घोषित कर सकती हैं।

अगले हफ्ते स्टॉक स्प्लिट

तीन शेयर अगले हफ्ते एक्स-स्प्लिट होंगे। इनमें TAAL Tech, Naturite Agro Products और Midwest Energy शामिल हैं।

TAAL Tech 1:5 स्टॉक स्प्लिट करेगा। ₹10 फेस वैल्यू वाला एक शेयर पांच शेयरों में बंटेगा। नई फेस वैल्यू ₹2 होगी। रिकॉर्ड डेट 22 सितंबर है।

Naturite Agro Products 1:2 और Midwest Energy 1:10 स्टॉक स्प्लिट करेगा। दोनों की रिकॉर्ड डेट 25 सितंबर है। इसके बाद Naturite की फेस वैल्यू ₹5 और Midwest Energy की ₹1 हो जाएगी।

सोमवार, 21 सितंबर

करीब 55 कंपनियों की रिकॉर्ड डेट सोमवार को है। Maharashtra Scooters ₹160 प्रति शेयर का डिविडेंड देगी। Bajaj Holdings and Investments ₹65 और Southern Gas ₹60 प्रति शेयर देगी।

Monte Carlo Fashions और KJMC Financial Services ₹20 प्रति शेयर का डिविडेंड देंगी। Dixon Technologies ₹10, Bharat Dynamics ₹0.40 और CONCOR ₹1 प्रति शेयर का फाइनल डिविडेंड देगी।

मंगलवार, 22 सितंबर

50 से ज्यादा कंपनियां मंगलवार को एक्स-डिविडेंड होंगी। GOCL Corporation ₹30 प्रति शेयर का डिविडेंड देगी। BEML ₹12.28 और National Peroxide ₹7 प्रति शेयर देगी।

IRCTC ₹0.50 प्रति शेयर का डिविडेंड देगी।

बुधवार, 23 सितंबर

40 से ज्यादा कंपनियां बुधवार को एक्स-डिविडेंड होंगी। GMDC ₹9.50 प्रति शेयर का फाइनल डिविडेंड देगी। Tyche Industries ₹3.50 प्रति शेयर देगी।

Goodluck India और Talbros Engineering ने ₹3 प्रति शेयर का डिविडेंड घोषित किया है।

गुरुवार, 24 सितंबर

गुरुवार को सिर्फ दो कंपनियों की रिकॉर्ड डेट है। Engineers India ₹2.50 प्रति शेयर और Adtech Systems ₹1.10 प्रति शेयर का डिविडेंड देगी।

शुक्रवार, 25 सितंबर

शुक्रवार को छह शेयर अलग-अलग कॉरपोरेट एक्शन के लिए एक्स-डेट होंगे। Sri Lotus Developers and Realty ₹0.50 प्रति शेयर का फाइनल डिविडेंड देगी।

LGT Global Hospitality और Shreeji Global FMCG ₹0.25 प्रति शेयर का फाइनल डिविडेंड देंगी। Noble Polymers ₹0.05 प्रति शेयर के फाइनल डिविडेंड के लिए एक्स-डिविडेंड होगा।

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Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

RAC-वेटिंग यात्रियों के लिए बड़ी खबर! खाली बर्थ अब खुद होगी अलॉट, TTE के चक्कर खत्म

ट्रेन में खाली बर्थ अब खुद मिलेगी RAC-वेटिंग पैसेंजर्स को, रेलवे ला रहा डिजिटल सिस्टम

ट्रेन में सफर के दौरान खाली होने वाली बर्थ को लेकर रेलवे एक नई डिजिटल व्यवस्था शुरू करने जा रहा है। इससे किसी पैसेंजर के ट्रेन में नहीं चढ़ने पर उसकी खाली बर्थ की जानकारी सिस्टम तक तुरंत पहुंच जाएगी और नियम के अनुसार उसे RAC या वेटिंग लिस्ट वाले पैसेंजर को अलॉट किया जा सकेगा। इससे सीट मिलने की प्रोसेस पहले से ज्यादा आसान और साफ होने की उम्मीद है।

अब मोबाइल बता देगा कहां है खाली बर्थ!

नए सिस्टम के बाद पैसेंजर्स को ट्रेन में खाली हुई बर्थ के बारे में पता करने के लिए TTE को ढूंढने की जरूरत नहीं पड़ेगी। रेलवे के सिस्टम में खाली बर्थ की जानकारी रियल टाइम में अपडेट होगी। पैसेंजर्स रेल मदद या IRCTC ऐप के जरिए यह देख सकेंगे कि सफर के दौरान किस स्टेशन से किस कोच में कितनी सीटें खाली हुई हैं। इसके बाद RAC और वेटिंग लिस्ट वाले पैसेंजर्स को तय नियम और क्रम के अनुसार बर्थ अलॉट की जा सकेगी। बर्थ मिलने की जानकारी पैसेंजर के मोबाइल पर भी भेजी जा सकेगी।

पहला ट्रायल होगा नई मुंबई से

रेलवे इस नई तकनीक को पहले मुंबई सेंट्रल डिवीजन की कुछ चुनिंदा ट्रेनों में आजमाने की तैयारी कर रहा है। योजना के मुताबिक दिसंबर 2026 तक कुछ TTE को स्मार्ट जैकेट, GPS और कैमरे देकर इसका ट्रायल किया जाएगा। इसके नतीजे देखने के बाद अप्रैल 2027 से इस तकनीक को देश के सभी 17 रेलवे जोनों में चरणबद्ध तरीके से लागू करने की योजना है। अगर TTE खाली बर्थ को सिस्टम में अपडेट नहीं करते या चेकिंग के लिए मौजूद नहीं होते हैं, तो पैसेंजर रेल मदद ऐप या 139 पर शिकायत भी दर्ज करा सकेंगे।

HHT से तुरंत अपडेट होगा डेटा

  • 4G कनेक्टिविटी और GPS ट्रैकिंग: डिवाइस में 4G की सुविधा होगी, जिससे डेटा रियल टाइम में सर्वर तक भेजा जा सकेगा। करीब 5 मीटर तक की सटीकता के साथ TTE की लोकेशन ट्रैक की जा सकेगी।
  • बायोमेट्रिक स्कैनर: फिंगरप्रिंट स्कैनर के जरिए TTE की डिजिटल उपस्थिति दर्ज होगी।
  • 12 घंटे का बैटरी बैकअप: लंबे सफर के दौरान डिवाइस को लगातार इस्तेमाल किया जा सकेगा।
  • मजबूत डिजाइन: HHT को वाटरप्रूफ और डस्टप्रूफ बनाया जा रहा है, ताकि सफर के दौरान इसे आसानी से इस्तेमाल किया जा सके।

स्मार्ट जैकेट से TTE की सुरक्षा होगी मजबूत

  • GPS डिवाइस और HD बॉडी कैमरा: जैकेट में GPS लगा होगा, जिससे ड्यूटी के दौरान TTE की लोकेशन ट्रैक की जा सकेगी। जैकेट में HD कैमरा लगाया जाएगा, जिससे ड्यूटी के दौरान होने वाली गतिविधियों को रिकॉर्ड किया जा सकेगा।
  • SOS बटन: किसी इमरजेंसी में TTE एक बटन दबाकर तुरंत मदद के लिए अलर्ट भेज सकेंगे। ट्रेन में किसी पैसेंजर की तबीयत अचानक बिगड़ने पर TTE SOS दबाकर मदद मांग सकेंगे। SOS दबाते ही नजदीकी कंट्रोल रूम और अगले स्टेशन के स्टेशन मास्टर तक इमरजेंसी की जानकारी पहुंचाई जा सकेगी।

रेलवे का अनुमान है कि पूरी व्यवस्था लागू होने के बाद टिकट जांच की प्रक्रिया ज्यादा प्रभावी हो सकती है और खाली बर्थ के गलत इस्तेमाल से जुड़ी शिकायतों में भी कमी आ सकती है। इसके अलावा, अगर TTE चेकिंग के लिए उपलब्ध नहीं होते या खाली बर्थ को सिस्टम में अपडेट नहीं करते, तो यात्री रेल मदद ऐप या 139 पर शिकायत दर्ज करा सकेंगे।

Viral Video: ट्रेन से बेडशीट चुराते पकड़े गया ये कपल, TTE के टोकने पर महिला देने लगी अजीब दलील

Viral Video: भारतीय रेलवे की AC ट्रेनों में यात्रियों को दिए जाने वाले बेडरोल, चादर और तौलिये के गायब होने का मुद्दा सोशल मीडिया पर एक बार फिर चर्चा का विषय बना हुआ है। सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो में एक कपल रेलवे की चादरें अपने सामान में ले जाता हुआ दिखाई दे रहा है। इस दौरान पकड़े जाने पर महिला ने सफाई देते हुए दावा किया कि उन्होंने चादरें इसलिए रख ली थीं क्योंकि TTE ने उनसे अधिक पैसे लिए थे। बता दें कि ऐसी चारी की खबरें अक्सर सामने आती रहती हैं।

AC कोच से बेडशीट और तौलिए जैसे सामान का गायब होना लंबे समय से भारतीय रेलवे के लिए चिंता का विषय रहा है। इस समस्या से न केवल रेलवे को नुकसान हुआ है। बल्कि यह सवाल भी उठा है कि जब इन्वेंट्री से ये चीजें गायब हो जाती हैं तो इनकी कीमत कौन चुकाता है।

सूटकेस खुलवाया तो अंदर मिलीं रेलवे की चादरें

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर @arunruby08 नाम के यूजर की तरफ से शेयर किए गए वीडियो में एक व्यक्ति प्लेटफॉर्म पर खड़ा दिखाई देता है। वीडियो बना रहा शख्स उससे सूटकेस खोलने के लिए कहता है। यात्री के बैग खोलने पर उसमें रेलवे की ओर से उपलब्ध कराई गई चादरों का एक पैकेट दिखाई देता है, जिसे वह बाहर निकालकर वापस कर देता है। इस दौरान महिला वीडियो बनाए जाने पर आपत्ति जताती है। वह इसे ‘फालतू का ड्रामा’ बताती है।

वह बार-बार वीडियो रिकॉर्डिंग बंद करने के लिए कहती है। जब उनसे पूछा जाता है कि अतिरिक्त पैसे किसने लिए थे, तो महिला जवाब देती है- TC ने…।” इसके बाद वीडियो बना रहा व्यक्ति उन्हें याद दिलाता है कि बेडशीट रेलवे की संपत्ति है, TTE की नहीं, जिसे अतिरिक्त पैसे लिए जाने के कारण अपने साथ ले जाया जा सकता है। महिला फिर कहती है कि उन्होंने अतिरिक्त पैसे लिए जाने की वजह से चादरें रख ली थीं और अब उन्हें वापस कर रहे हैं।

‘चोरी और सीनाजोरी…’

वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर इस घटना को लेकर बहस शुरू हो गई। कई यूजर्स ने कपल की सफाई पर सवाल उठाते हुए कहा कि ट्रेन में यात्रियों को दी जाने वाली चादरें और कंबल यात्रा के बाद वापस किए जाने होते हैं। एक यूजर ने लिखा, “इसे लगा कि टिकट के साथ फ्री है, कुर्ता-पायजामा बनाने के लिए।” वहीं, दूसरे यूजर ने लिखा, “इसी को कहते हैं चोरी और सीनाजोरी…।”

एक अन्य शख्स ने लिखा, “एक तो चोरी, ऊपर से तेवर तो देखो।” एक और यूजर ने कहा, “क्या टाइम आ गया है… खुद गलत भी करो और झगड़ा, गुस्सा भी दिखाओ।” कुछ यूजर्स ने मामले में सख्त कार्रवाई की मांग भी की। एक कमेंट में रेलवे से PNR के जरिए यात्रियों की जानकारी निकालकर कानूनी नोटिस और जुर्माना भेजने की मांग की गई है। इसी टिप्पणी में दावा किया गया कि 2022 के बाद चार वर्षों में 1.27 करोड़ चादरें, तौलिये, कंबल और तकिए चोरी हुए हैं। हालांकि, इस आंकड़े की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो पाई है।

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रेलवे के सामने पुरानी चुनौती है चोरी कांड

ट्रेनों से लिनेन गायब होने की समस्या रेलवे के लिए लंबे समय से चिंता का विषय रही है। चादर, कंबल और तौलिये जैसी वस्तुओं के गायब होने से रेलवे के इन्वेंट्री पर असर पड़ता है। उनकी दोबारा खरीद पर अतिरिक्त खर्च होता है। हालांकि, वायरल वीडियो में महिला द्वारा TTE पर एक्स्ट्रा पैसे लिए जाने का आरोप लगाया गया है। इस आरोप की भी स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है। फिलहाल, इस बारे में भारतीय रेलवे की प्रतिक्रिया का इंतजार है।

180 बार होटल, 50+ इंश्योरेंस पॉलिसियां और करोड़ों रुपये… पत्नी ने ऐसे पकड़ा पति का अफेयर

चीन में एक शादीशुदा शख्स का कथित सात साल पुराना अफेयर उस वक्त कोर्ट तक पहुंच गया, जब उसकी पत्नी को पति के बैंक ट्रांजैक्शन, इंश्योरेंस पॉलिसियों और होटल बुकिंग से जुड़े ऐसे सबूत मिले, जिन्होंने पूरे मामले की तस्वीर बदल दी। मामला चीन के गुआंग्शी प्रांत के लिउझोउ शहर का है। यहां रहने वाली महिला झेन को 2017 में अपने पति गुओ और एक इंश्योरेंस एजेंट ली के बीच कुछ आपत्तिजनक और रोमांटिक मैसेज मिले थे।

दोनों के बीच हुई बातचीत में कई बार 520 युआन के ट्रांसफर का भी जिक्र था। चीन में 520 को इंटरनेट स्लैंग में ‘आई लव यू’ से जोड़ा जाता है। उस समय झेन को पति के रिश्ते पर शक तो हुआ, लेकिन कहानी यहीं खत्म नहीं हुई।

अस्पताल में मिली एक जानकारी ने फिर जगा दिया शक

साल 2024 में झेन इलाज के लिए अस्पताल में थीं। इसी दौरान उन्हें पता चला कि उनके पति ने उनके और उनकी छोटी बेटी के नाम पर हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसियां खरीदी थीं। यह जानकारी मिलने के बाद झेन ने पति के इंश्योरेंस एजेंट ली के साथ पुराने लेन-देन की पड़ताल शुरू की। जैसे-जैसे उन्होंने रिकॉर्ड खंगाले, मामला साधारण इंश्योरेंस खरीद से कहीं ज्यादा बड़ा नजर आने लगा।

करोड़ों रुपये के ट्रांसफर और 50 से ज्यादा इंश्योरेंस पॉलिसियां

झेन के मुताबिक, उनके पति ने कई वर्षों के दौरान ली को 30 लाख युआन से ज्यादा रकम ट्रांसफर की थी। भारतीय मुद्रा में यह रकम करीब 3.6 करोड़ रुपये बैठती है। इतना ही नहीं, रिकॉर्ड में सामने आया कि गुओ ने ली के जरिए 50 से ज्यादा इंश्योरेंस पॉलिसियां खरीदी थीं। इन पॉलिसियों के प्रीमियम के तौर पर उसने 1 करोड़ युआन से अधिक, यानी करीब 12 करोड़ रुपये, खर्च किए थे। इन सौदों का फायदा ली के करियर को भी मिला। इस दौरान वह इंश्योरेंस कंपनी में आगे बढ़ती गईं और आखिरकार मैनेजर के पद तक पहुंच गईं।

होटल के 180 से ज्यादा चक्कर ने बढ़ाया शक

मामले की जांच आगे बढ़ी तो एक और चौंकाने वाली जानकारी सामने आई। पुलिस रिपोर्ट के मुताबिक, गुओ ने अधिकारियों के सामने माना कि वह ली के साथ 180 से ज्यादा बार होटल में ठहरा था। इस जानकारी ने दोनों के बीच सिर्फ कारोबारी संबंध होने के दावे पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए। इसके बाद झेन ने अपने पति, ली और इंश्योरेंस कंपनी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी।

वैवाहिक संपत्ति का हुआ इस्तेमाल

झेन का आरोप था कि पति ने शादी के दौरान अर्जित संपत्ति का इस्तेमाल इन इंश्योरेंस पॉलिसियों और कथित तौर पर ली को पैसे देने में किया। उन्होंने अदालत से मांग की कि इंश्योरेंस प्रीमियम के साथ-साथ ली को ट्रांसफर की गई रकम भी वापस दिलाई जाए। झेन ने ली के पति के खिलाफ भी अलग दावा किया और पैसे लौटाने की जिम्मेदारी तय करने की मांग की।

इंश्योरेंस एजेंट ने अफेयर से किया इनकार

दूसरी ओर, ली ने गुओ के साथ किसी भी तरह के प्रेम संबंध से साफ इनकार किया। उनका कहना था कि होटल में हुई मुलाकातें काम के सिलसिले में थीं और ऐसा कोई कानून नहीं है जो इंश्योरेंस एजेंट को होटल में ग्राहक से मिलने से रोकता हो। ली ने यह भी दावा किया कि बाद में गुओ महंगे प्रीमियम का भुगतान नहीं कर पा रहा था और इसलिए पैसे वापस पाने के लिए उसने अपनी पत्नी के साथ मिलकर यह मामला खड़ा किया।

पति के बयान ने बदल दी पूरी कहानी

लेकिन ली के इस दावे को गुओ के बयान से झटका लगा। गुओ ने अधिकारियों को बताया कि उसके पास कई संपत्तियां हैं और वह किसी आर्थिक परेशानी से नहीं जूझ रहा था। उसने यह भी स्वीकार किया कि ली के साथ उसका निजी रिश्ता इतनी बड़ी संख्या में इंश्योरेंस पॉलिसियां खरीदने के फैसले की एक अहम वजह था। यानी जिस कहानी को महज कारोबारी लेन-देन बताया जा रहा था, उसमें निजी रिश्ते की भूमिका भी सामने आ गई।

कोर्ट ने माना रिश्ता अनुचित

मामले में सबूतों की समीक्षा करने के बाद अदालत ने माना कि गुओ और ली के बीच अनुचित संबंध था। अदालत ने ली को झेन को करीब 9 लाख युआन, यानी लगभग 1.1 करोड़ रुपये, वापस करने का आदेश दिया। इस रकम को अनुचित तरीके से दिए गए उपहार माना गया। इसके साथ ब्याज चुकाने का भी आदेश दिया गया। ली ने फैसले के खिलाफ दोबारा सुनवाई की मांग की, लेकिन उनकी रिट्रायल याचिका भी खारिज कर दी गई। इस तरह एक पत्नी को मिले कुछ संदिग्ध मैसेज से शुरू हुई कहानी बैंक ट्रांजैक्शन, करोड़ों रुपये की इंश्योरेंस खरीद, 180 से ज्यादा होटल स्टे और आखिरकार अदालत के फैसले तक पहुंच गई।

IRCTC पर AI का कमाल! ट्रेन खोजने से फॉर्म भरने तक खुद किए सारे काम, क्रिएटर ने शेयर किया वीडियो

IRCTC पर AI का कमाल! ट्रेन खोजने से फॉर्म भरने तक खुद किए सारे काम, क्रिएटर ने शेयर किया वीडियो

एक सोशल मीडिया क्रिएटर का OpenAI के GPT-6 Astra के साथ किया गया एक्सपेरिमेंट वायरल हो गया है। क्रिएटर ने दिखाया कि कैसे यह AI असिस्टेंट बहुत कम निर्देशों के साथ IRCTC टिकट-बुकिंग प्रोसेस को पूरा कर सकता है। वहीं, इस वीडियो के सामने आने के बाद यह चर्चा शुरू हो गई है कि  AI-पावर्ड ऑटोमेशन कितनी तरक्की कर चुका है।

वीडियो में देखें पूरा मामला

शुरू में उन्हें शक था क्योंकि IRCTC एक सरकारी वेबसाइट है, इसलिए क्रिएटर ने खुद उस दावे को आजमाने का फैसला किया। उनके मुताबिक, उन्होंने ChatGPT Astra खोला और एक आसान सा प्रॉम्प्ट डाला। “मुझे 20 सितंबर को रात 9 बजे से 11 बजे के बीच मुंबई से राजकोट के लिए दो लोगों के लिए AC क्लास में ट्रेन टिकट बुक करना है। ब्राउजर का इस्तेमाल करें।”

उन्होंने बताया कि इसके बाद AI ने अपने आप बुकिंग प्रोसेस को आगे बढ़ाना शुरू कर दिया। इसने निकलने (Departure) और पहुंचने (Destination) वाले स्टेशन चुने, यात्रा की तारीख और समय की जानकारी डाली, उपलब्ध ट्रेनें खोजीं और अलग-अलग विकल्पों में टिकट की उपलब्धता जांची।

क्रिएटर ने दावा किया कि AI ने जरूरतों के हिसाब से ट्रेनें ढूंढ लीं और उन्हें बताया कि उपलब्ध विकल्प वेटिंग लिस्ट में हैं। जब ChatGPT ने पूछा कि वे आगे कैसे बढ़ना चाहते हैं, तो उन्होंने उसे अगले दिन के लिए टिकट खोजने का निर्देश दिया।

क्रिएटर ने कहा, “मेरे लिए सिर्फ पेमेंट करना बाकी रह गया था।” उसने बताया कि टिकट बुकिंग के दौरान ट्रेन सर्च करने, ट्रेन चुनने और जरूरी फॉर्म भरने जैसे ज्यादातर काम AI ने खुद ही कर दिए। इस डेमो ने ऑनलाइन लोगों का ध्यान खींचा और कई यूजर्स इस बात पर बहस करने लगे कि क्या ऐसी क्षमताएं रोजमर्रा के डिजिटल कामों के ऑटोमेट होने के तरीके में कोई बड़ा बदलाव लाएंगी।

एक यूजर ने कमेंट कर लिखा, “इसे ‘तत्काल’ में आजमाकर देखो, तब मैं मानूंगा कि AI हम सबकी जगह ले लेगा।” उन्होंने IRCTC के बहुत ज्यादा कॉम्पिटिटिव ‘तत्काल’ टिकट-बुकिंग सिस्टम का जिक्र किया, जहां टिकट अक्सर कुछ ही मिनटों में बिक जाते हैं।

वहीं, एक अन्य यूजर ने एक अलग टेस्ट का सुझाव दिया: “इसे एक रिज्यूमे दो और इसके जरिए असल नौकरियों के लिए अप्लाई करने की कोशिश करो।”

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