Jio Platforms IPO : NSE प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक जियो प्लेटफॉर्म्स लिमिटेड के IPO का ‘क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स’ (QIBs) वाला हिस्सा 28 मिनट के भीतर ही 1.95 गुना भर गया। नॉन-इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स (NII) का हिस्सा 11 प्रतिशत बुक हुआ है। जबकि रिटेल हिस्से का 8 फीसदी हिस्सा भरा है। कुल मिलाकर,अब तक यह इश्यू 56 प्रतिशत सब्सक्राइब हो चुका है।
एंकर निवेशकों ने जम कर किया निवेश
19 अक्टूबर को जियो प्लेटफॉर्म्स ने 212 एंकर निवेशकों से 8,109.84 करोड़ रुपये जुटाए। इन निवेशकों में ब्लैकरॉक, कैपिटल ग्रुप, फिडेलिटी इन्वेस्टमेंट्स, टी. रो प्राइस, श्रोडर्स, जेपी मॉर्गन एसेट मैनेजमेंट, फ्रैंकलिन टेम्पलटन, इनवेस्को और प्रूडेंशियल शामिल हैं। जियो प्लेटफॉर्म्स के IPO के लिए एंकर निवेशकों की मांग लगभग 2.5 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच गई, जिससे यह इतनी बड़ी बोली हासिल करने वाला पहला भारतीय IPO बन गया।
इश्यू सब्सक्राइब करने से पहले इन 10 बातों पर रहे नजर
1) जियो प्लेटफॉर्म्स IPO की तारीख
यह IPO आज पब्लिक सब्सक्रिप्शन के लिए खुल गया है। सब्सक्रिप्शन 23 अक्टूबर को बंद होगा।
2) प्राइस बैंड
जियो प्लेटफॉर्म्स IPO का प्राइस बैंड 1,065 रुपये से 1,119 रुपये प्रति शेयर तय किया गया है। इस ऑफर में 27 करोड़ शेयरों का फ्रेश इश्यू शामिल है।
3) जियो प्लेटफॉर्म्स एंकर बुक
कंपनी ने 212 एंकर निवेशकों से 8,109.84 करोड़ रुपये जुटाए। इस इश्यू में कई बड़े सॉवरेन वेल्थ फंड और पेंशन फंड ने भी निवेश किया है, जिनमें सिंगापुर का GIC, नॉर्जेस बैंक इन्वेस्टमेंट मैनेजमेंट, अबू धाबी इन्वेस्टमेंट अथॉरिटी, कतर इन्वेस्टमेंट अथॉरिटी, PSP इन्वेस्टमेंट्स, कैलिफोर्निया स्टेट टीचर्स रिटायरमेंट सिस्टम और फ्लोरिडा रिटायरमेंट सिस्टम शामिल हैं।
घरेलू संस्थागत निवेशकों की मांग भी मजबूत रही है। एसबीआई म्यूचुअल फंड, आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल, एचडीएफसी म्यूचुअल फंड, आदित्य बिड़ला सन लाइफ, निप्पॉन इंडिया और कोटक महिंद्रा म्यूचुअल फंड जैसे प्रमुख म्यूचुअल फंड हाउसों ने इस इश्यू में हिस्सा लिया। इसके अलावा, जीवन बीमा निगम (LIC), एचडीएफसी लाइफ, एसबीआई लाइफ, एसबीआई पेंशन, एचडीएफसी पेंशन, आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल और यूटीआई पेंशन जैसी प्रमुख बीमा कंपनियों और पेंशन फंडों ने भी इसमें भाग लिया।
4) जियो प्लेटफॉर्म्स IPO GMP
ग्रे मार्केट गतिविधियों पर नज़र रखने वाले प्लेटफॉर्म्स के मुताबिक कंपनी के शेयरों का GMP 22-23 प्रतिशत के बीच चल रहा है। ‘इन्वेस्टरगेन’ (Investorgain) ने कंपनी के शेयरों के लिए 247 रुपये का GMP बताया है, जो 22.1 प्रतिशत का लिस्टिंग गेन दर्शाता है, जबकि ‘IPO वॉच’ (IPO Watch) ने 23.2 प्रतिशत का GMP बताया है।
5)Jio Platforms IPO पर ब्रोकरेज की राय
मोतीलाल ओसवाल ने कहा है कि इस इश्यू में लिस्टिंग गेन और लंबी अवधि के लिए सब्सक्राइब करें। यह सब्सक्राइबर बेस के हिसाब से भारत का सबसे बड़ा डिजिटल कनेक्टिविटी प्लेटफॉर्म है,जो देश के ज़्यादातर वायरलेस डेटा ट्रैफिक को कैरी करता है, जिसमें प्रोप्राइटरी टेक्नोलॉजी पर बना देश भर में 5G नेटवर्क और JioAirFiber के तहत बढ़ता हुआ फिक्स्ड वायरलेस ब्रॉडबैंड बिज़नेस शामिल है। इसकी डिजिटल सर्विसेज़ क्लाउड एंटरप्राइज़ सॉल्यूशंस और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस तक फैली हुई हैं। इसकी प्रमोटर रिलायंस इंडस्ट्रीज है।
HDFC सिक्योरिटीज ने जियो प्लेटफॉर्म्स पर अपने IPO नोट में इसकी प्रतिस्पर्धी ताकतों पर जोर दिया है। ब्रोकरेज का कहना है कि एक विशेष वर्टिकल टेक्नोलॉजी स्टैक और इंजीनियरिंग क्षमताएं, उन्नत और स्वतंत्र नेटवर्क टेक्नोलॉजी इंफ्रास्ट्रक्चर, व्यापक डिजिटल कनेक्टिविटी और हाई-स्पीड नेटवर्क तक पहुंच जैसी खासियतें कंपनी को बढ़त देती हैं।
फिलिपकैपिटल का कहना है कि 2016 में अपनी शुरुआत के बाद से जियो प्लेटफॉर्म्स ने आक्रामक कीमतों और अलग तरह के ऑफर्स के जरिए पिछले एक दशक में भारत के टेलीकॉम की दुनिया को पूरी तरह बदल दिया है।
एमके ग्लोबल ने कहा कि जियो प्लेटफॉर्म्स की बाजार में लीडिंग पोजीशन,कीमतों को तय करने की क्षमता,विकास के कारकों और काम करने के बेहतरीन रिकॉर्ड को देखते हुए, इसके इश्यू का भाव काफी अच्छा है। कंपनी का काम करके दिखाने का रिकॉर्ड भरोसेमंद है। जैसे-जैसे 5G निवेश का दौर पूरा होगा,कंपनी का कैश जनरेशन और मजबूत होता जाएगा।
SBICAPS के मुताबिक इश्यू की कीमत कंपनी के स्केल,अर्निंग ग्रोथ,तकनीकी क्षमताओं और भविष्य में कमाई की लंबी अवधि की संभावनाओं को दिखाती है। उधार की रकम चुकाने से लीवरेज (कर्ज के बोझ) और फाइनेंस लागत में कमी आने,कैश फ्लो मजबूत होने और भविष्य के निवेश के लिए फाइनेंशियल सपोर्ट मिलने की उम्मीद है।
6) जियो प्लेटफॉर्म्स IPO अलॉटमेंट की डेट
जियो प्लेटफॉर्म्स IPO का अलॉटमेंट 26 अक्टूबर तक फाइनल होने की संभावना है।
7) जियो प्लेटफॉर्म्स की लिस्टिंग की डेट
कंपनी के इक्विटी शेयरों को 28 अक्टूबर को BSE और NSE दोनों पर लिस्ट किए जाने का प्रस्ताव है।
8) जियो प्लेटफॉर्म्स IPO की डिटेल
इस IPO में 27 करोड़ नए इक्विटी शेयर जारी किए जाएंगे,जो इश्यू के बाद कंपनी की कुल इक्विटी पूंजी का 2.9 प्रतिशत हिस्सा होंगे। इस इश्यू में जियो प्लेटफॉर्म्स के कर्मचारियों के लिए 500 करोड़ रुपये के शेयर और इसकी मूल कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज के पात्र शेयरधारकों के लिए 2,500 करोड़ रुपये के शेयर रिजर्व रखे गए हैं। कंपनी पात्र कर्मचारियों को अंतिम ऑफर प्राइस पर 54 रुपये प्रति शेयर की छूट के साथ शेयर जारी करेगी।
9) जियो प्लेटफॉर्म्स IPO का लक्ष्य
कंपनी को मिलने वाली रकम का कुछ हिस्सा उसकी टेलीकॉम सब्सिडियरी का कर्ज चुकाने में इस्तेमाल किया जाएगा, जबकि बाकी रकम का इस्तेमाल सामान्य कॉर्पोरेट जरूरतों के लिए किया जाएगा। लिस्टिंग के बाद, रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड के पास जियो प्लेटफॉर्म्स में बहुमत हिस्सेदारी बनी रहेगी।
10) जियो प्लेटफॉर्म्स के बारे में जानें
एक दशक पहले रिलायंस के टेलीकॉम मार्केट में कदम रखने के बाद से जियो प्लेटफॉर्म्स ग्राहकों की संख्या के लिहाज से दुनिया के सबसे बड़े मोबाइल ऑपरेटरों में से एक बन गया है। यह कारोबार मोबाइल कनेक्टिविटी से आगे बढ़कर ब्रॉडबैंड, डिजिटल एंटरटेनमेंट, क्लाउड और एंटरप्राइज़ सेवाओं तक फैल गया है, जिससे यह भारत की डिजिटल अर्थव्यवस्था में रिलायंस की पैठ बनाने की कोशिशों का आधार बन गया है।
जून 2026 तक कंपनी के 53.33 करोड़ ग्राहक थे और भारत के वायरलेस डेटा ट्रैफिक में इसकी हिस्सेदारी लगभग 60 प्रतिशत थी। इसके अलावा, जियो के पास 26,800.8 MHz के साथ भारत का सबसे बड़ा स्पेक्ट्रम बैंक है।
(डिस्क्लेमर: नेटवर्क 18 मीडिया एंड इनवेस्टमेंट लिमिटेड पर इंडिपेंडेंट मीडिया ट्रस्ट का मालिकाना हक है। इसकी बेनफिशियरी कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज है।)
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