IndiGo Share Price: एयरलाइन ने टिकट प्राइस के साथ इन सर्विसेज पर बढ़ाया चार्ज; शेयर 2% तक उछला

बजट एयरलाइन इंडिगो की पेरेंट कंपनी इंटरग्लोब एविएशन के शेयरों में 18 सितंबर को दिन में पिछले बंद भाव से 2 प्रतिशत तक की तेजी दिखी। BSE पर शेयर 4958.80 रुपये के हाई तक गया। कंपनी का मार्केट कैप बढ़कर 1.91 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा हो गया है। इंडिगो ने एक्स्ट्रा सामान, छोटे बच्चों के टिकट, अकेले यात्रा करने वाले बच्चों के लिए यात्रा की व्यवस्था और एयरलाइन की ‘फास्ट फॉरवर्ड’ प्रायोरिटी सर्विस के लिए चार्जेस में बदलाव किया है।

अप्रूव्ड लिमिट से ज्यादा सामान के साथ यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए नया रेट अब ₹800 प्रति अतिरिक्त किलोग्राम है, जबकि पहले यह चार्ज ₹700 प्रति किलोग्राम था। इंडिगो ने घरेलू उड़ानों (Domestic Flights) में शिशु यात्रा के मामले में चार्ज बढ़ाकर 3,000 रुपये कर दिया है, जो पहले 2,200 रुपये था। इंटरनेशनल रूट्स पर चार्ज का अमाउंट अलग-अलग है। 3 दिन से अधिक और 2 साल से कम उम्र के बच्चों को शिशु (Infant) की श्रेणी में रखा जाता है।

इंडिगो की वेबसाइट के अनुसार, अकेले यात्रा करने वाले नाबालिगों के लिए घरेलू उड़ानों के मामले में चार्ज अब 5,999 रुपये और अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के मामले में 12,999 रुपये है। इसके अलावा फास्ट-फॉरवर्ड सर्विसेज चार्ज अब 500 रुपये की बजाय 650 रुपये और ट्रैवल सर्टिफिकेट रेट 300 रुपये है। फास्ट फॉरवर्ड सुविधा, प्रायोरिटी चेक-इन और बोर्डिंग उपलब्ध कराती है।

Indigo का शेयर 6 महीनों में 13 प्रतिशत मजबूत

शेयर की फेस वैल्यू 10 रुपये है। कंपनी में जून 2026 के आखिर तक प्रमोटर्स के पास 41.57 प्रतिशत हिस्सेदारी थी। शेयर 6 महीनों में 13 प्रतिशत चढ़ा है। 3 साल में यह निवेशकों का पैसा डबल कर चुका है। शेयर का BSE पर 52 सप्ताह का एडजस्टेड हाई 5,958.75 रुपये और एडजस्टेड लो 3,894.80 रुपये है।

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कंपनी की वित्तीय सेहत

इंटरग्लोब एविएशन को अप्रैल-जून 2026 तिमाही में 238 करोड़ रुपये का घाटा हुआ। एक साल पहले कंपनी 2,176.3 करोड़ रुपये के मुनाफे में थी। कुल इनकम बढ़कर 25,614.1 करोड़ रुपये रही, जो जून 2025 तिमाही में 21,542.6 करोड़ रुपये थी।

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

अमेरिका में कवरेज के दौरान NBC चैनल का हेलिकॉप्टर क्रैश:NBC की पत्रकार, पायलट और जमीन पर एक व्यक्ति की मौत

अमेरिका के लॉस एंजिल्स में मंगलवार शाम NBC न्यूज का हेलिकॉप्टर क्रैश हो गया। हादसे में 3 लोगों की मौत हो गई। हेलिकॉप्टर एक बस और SUV की टक्कर की कवरेज कर रहा था। हादसे की खबर मिलते ही NBC लॉस एंजिल्स ने लाइव कवरेज रोक दी। हेलिकॉप्टर में पायलट जॉर्ज मार्सिनिव और फोटो जर्नलिस्ट एलियाना मोरेनो सवार थे। दोनों की मौत हो गई। जमीन पर मौजूद एक शख्स की भी हादसे में मौत हुई है। फायर डिपार्टमेंट के मुताबिक, हादसे के बाद 2 लोगों को अस्पताल ले जाया गया। उनकी हालत की जानकारी नहीं दी गई। स्टोरेज फैसिलिटी की पार्किंग में गिरा हेलिकॉप्टर हेलिकॉप्टर लॉस एंजिल्स के सैन फर्नांडो वैली के चैट्सवर्थ इलाके में एक सेल्फ-स्टोरेज फैसिलिटी के पास पार्किंग में गिरा। इसके बाद हेलिकॉप्टर में आग लग गई और पास खड़ी गाड़ियां भी इसकी चपेट में आ गईं। NBC एंकर कोलीन विलियम्स ने लाइव शो के दौरान बताया कि स्टेशन का हेलिकॉप्टर शाम करीब 7 बजे क्रैश हुआ। उन्होंने कहा कि चैनल का हेलिकॉप्टर में सवार लोगों से संपर्क टूट गया था। जिस बस हादसे की कवरेज कर रहा था, उसमें भी 2 की मौत हेलिकॉप्टर क्रैश से करीब 2 घंटे पहले नॉर्डहॉफ स्ट्रीट पर लॉस एंजिल्स मेट्रो बस और एक यात्री वाहन की टक्कर हुई थी। फायर डिपार्टमेंट के मुताबिक, इस हादसे में 2 लोगों की मौत हुई और कई लोग घायल हुए। NBC के मुताबिक, कई न्यूज हेलिकॉप्टर इस हादसे की कवरेज कर रहे थे। ये हेलिकॉप्टर भी उन्हें में शामिल था। नेशनल ट्रांसपोर्टेशन सेफ्टी बोर्ड (NTSB) और फेडरल एविएशन एडमिनिस्ट्रेशन (FAA) हेलिकॉप्टर क्रैश की जांच करेंगे। लॉस एंजिल्स की मेयर करेन बास ने हादसे को शहर के लिए ‘दिल तोड़ने वाली रात’ बताया। उन्होंने दोनों हादसों में जान गंवाने वालों के परिवारों के प्रति संवेदना जताई। कैलिफोर्निया के गवर्नर गेविन न्यूसम ने भी मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की। खबर अपडेट हो रही है…

Market Outlook : 23150 के नीचे बंद हुआ निफ्टी, जानिए 16 सितंबर को कैसी रह सकती है बाजार की चाल

Market Outlook : 15 सितंबर को भारतीय इक्विटी इंडेक्स शुरुआती बढ़त को बनाए नहीं रख पाए और गिरावट के साथ बंद हुए। निफ्टी 23,150 के नीचे चला गया। मार्केट बंद होने पर सेंसेक्स 777.94 अंक या 1.04 प्रतिशत गिरकर 74,003.82 पर और निफ्टी 279.50 अंक या 1.19 प्रतिशत गिरकर 23,118.60 पर बंद हुआ। लगभग 1132 शेयरों में बढ़त हुई, 3154 शेयरों में गिरावट आई और 163 शेयरों में कोई बदलाव नहीं हुआ।

निफ्टी में सबसे ज़्यादा गिरावट वाले शेयरों में भारत इलेक्ट्रॉनिक्स, श्रीराम फाइनेंस, अडानी एंटरप्राइजेज, इंटरग्लोब एविएशन और ग्रासिम इंडस्ट्रीज शामिल रहे। जबकि बढ़त वाले शेयरों में HCL टेक्नोलॉजीज, इंफोसिस, TCS, टेक महिंद्रा और विप्रो शामिल रहे।

IT को छोड़कर, बाकी सभी सेक्टर इंडेक्स गिरावट के साथ बंद हुए। रियल्टी इंडेक्स में 4% की गिरावट आई,जबकि ऑटो, कंज्यूमर ड्यूरेबल्स, एनर्जी, मेटल, मीडिया और PSU बैंक इंडेक्स में 2-2% की गिरावट दर्ज की गई।

ब्रॉडर इंडेक्स का प्रदर्शन बेंचमार्क इंडेक्स के मुकाबले कमज़ोर रहा। निफ्टी मिडकैप और स्मॉलकैप इंडेक्स में 2% से ज़्यादा की गिरावट आई।

इक्विरस वेल्थ के मैनेजिंग डायरेक्टर अंकुर पुंज का कहना है कि आज बाजार में भारी उतार-चढ़ाव देखने को मिला। मज़बूत शुरुआत के बाद बेंचमार्क इंडेक्स गिरावट के साथ बंद हुए। वेस्ट एशिया में जारी संघर्ष के कारण तेल की कीमतों में तेजी ने आज ज़्यादातर समय बाज़ार का मूड कमजोर बनाए रखा।

बढ़ते इंपोर्ट बिल को लेकर बनी चिंताएं घरेलू करेंसी पर भारी पड़ रही हैं। डॉलर के मुकाबले रुपया आज 96 रुपए प्रति-डॉलर के स्तर को तोड़ने के करीब पहुंच गया। इससे इक्विटी बाजार पर और दबाव पड़ा। टेक्नोलॉजी शेयरों को छोड़कर,बैंकिंग,रियल्टी, टेलीकॉम और ऑटो शेयरों में बिकवाली के कारण बेंचमार्क इंडेक्स में भारी गिरावट देखी गई।

आगे कैसी रह सकती है बाजार की चाल

जियोजित इन्वेस्टमेंट्स के हेड ऑफ़ रिसर्च,विनोद नायर ने कहा कि आज घरेलू बाजार दबाव में रहे और उनमें गिरावट जारी रही। कच्चे तेल की ऊंची कीमतों और ग्लोबल बॉन्ड यील्ड में बढ़ोतरी ने सेंटीमेंट पर असर डाला। इस हफ़्ते होने वाली बड़े सेंट्रल बैंकों की बैठकों से पहले निवेशक सतर्क दिखे। बड़ी अर्थव्यवस्थाओं द्वारा पॉलिसी को और सख्त करने की उम्मीदें बढ़ रही हैं। लंबे समय तक ऊंची ब्याज दरों के माहौल को लेकर बनी चिंताओं ने ट्रेजरी यील्ड को कई सालों के उच्चतम स्तर के करीब बनाए रखा और लगातार विदेशी निवेश की निकासी के चलते उभरते बाज़ारों के सेंटीमेंट कमजोर हुए

मिड-कैप और स्मॉल-कैप शेयरों का प्रदर्शन बेंचमार्क इंडेक्स के मुकाबले कमजोर रहा। ज़्यादातर सेक्टर में भारी गिरावट के साथ कारोबार बंद हुआ। हालांकि,IT शेयरों ने बेहतर प्रदर्शन किया क्योंकि AI के धीमे विकास के संकेतों ने पारंपरिक IT सेवाओं में तेजी से बदलाव की चिंताओं को कम किया।

निकट भविष्य में,तेल की ऊंची कीमतें और ऊंची बॉन्ड यील्ड जोखिम लेने की इच्छा पर दबाव डाल सकती हैं। हालांकि मज़बूत घरेलू फंडामेंटल और घरेलू निवेशकों द्वारा वैल्यू बाइंग से गिरावट के जोखिम को सीमित करने में मदद मिल सकती है।

PL कैपिटल में एडवाइजरी और डीलिंग के चीफ बिजनेस ऑफिसर विक्रम कसाट का कहना है कि आज भारतीय शेयर बाजार में बड़ी गिरावट देखने को मिली। कच्चे तेल की ऊंची कीमतों और ग्लोबल बॉन्ड यील्ड में बढ़ोतरी का बाजार के सेंटीमेंट पर बुरा असर पड़ा। ब्रेंट क्रूड $108 प्रति बैरल से ऊपर बना रहा, जबकि US 10-वर्षीय ट्रेजरी यील्ड 5% के स्तर को पार कर गई, जिससे लंबे समय तक ब्याज दरें ऊंची रहने की उम्मीदें और मजबूत हुईं हैं।

FII की लगातार बिकवाली ने दबाव और बढ़ा दिया,हालांकि IT शेयरों ने अच्छा प्रदर्शन किया और HDFC बैंक के CEO पद के उत्तराधिकार से जुड़ी खबरों के बाद बैंक के शेयरों में बढ़त देखी गई। आगे बाजार में उतार-चढ़ाव बने रहने की संभावना है। बाजार की दिशा तय करने में कच्चे तेल,ग्लोबल यील्ड,FII निवेश और US फेड के फैसले की अहम भूमिका होगी।

निफ्टी टेक्निकल व्यू

कोटक सिक्योरिटीज में हेड इक्विटी रिसर्च,श्रीकांत चौहान का कहना है कि आज आज बेंचमार्क इंडेक्स में ऊपरी लेवल पर प्रॉफिट बुकिंग देखने को मिली। निफ्टी 280 अंक गिरकर बंद हुआ,जबकि सेंसेक्स में 778 अंकों की गिरावट आई। टेक्निकल तौर पर गैप-अप ओपनिंग के बाद मार्केट को लगातार ऊपरी लेवल पर बिकवाली का दबाव झेलना पड़ा। दिन के उच्चतम स्तर से निफ्टी 450 अंक से ज़्यादा नीचे आया। इसके अलावा,डेली चार्ट पर एक लंबी बेयरिश कैंडल बनी है और इंट्राडे चार्ट पर अभी भी लोअर टॉप फॉर्मेशन बना हुआ है। यह मौजूदा लेवल से और कमज़ोरी आने का संकेत है।

श्रीकांत चौहान का मानना ​​है कि जब तक निफ्टी 23,250 के लेवल से नीचे ट्रेड कर रहा है,तब तक करेक्शन जारी रहने की संभावना है। नीचे की तरफ यह 23,000 तक गिर सकता है। गिरावट का सिलसिला आगे भी जारी रह सकता है,जिससे इंडेक्स 22,900-22,850 तक फिसल सकता है। दूसरी ओर 23,250 के ऊपर जाने पर, पुलबैक मूवमेंट 23,400-23,450 तक बढ़ सकता है। मौजूदा मार्केट का मिज़ाज उतार-चढ़ाव वाला है। इसलिए,डे ट्रेडर्स के लिए लेवल-बेस्ड ट्रेडिंग सबसे अच्छी रणनीति होगी।

SBI सिक्योरिटीज में टेक्निकल और डेरिवेटिव्स रिसर्च के वाइस प्रेसिडेंट सुदीप शाह का कहना है कि मंगलवार को निफ्टी में गैपअप के साथ शुरुआत हुई,लेकिन यह ऊपरी स्तरों पर टिक नहीं पाया और दिन के हाई से लगभग 500 अंकों की भारी गिरावट के साथ बंद हुआ। डेली चार्ट पर,इसने एक बड़ी बेयरिश कैंडल बनाई,जो लगातार बने बिकवाली के दबाव का संकेत है।

टेक्निकल नज़रिए से देखें तो निफ्टी अभी अपने 200-डे EMA से लगभग 5% और 100-डे EMA से 4% नीचे ट्रेड कर रहा है जो कमज़ोर मार्केट स्ट्रक्चर को दिखाता है। डेली RSI 22.23 पर है और गिरावट के ट्रेंड में बना हुआ है,जो मज़बूत बेयरिश मोमेंटम को दर्शाता है। इसके अलावा,MACD हिस्टोग्राम नीचे की ओर मोमेंटम में तेज़ी का संकेत देता है। मार्केट में उतार-चढ़ाव भी बढ़ गया है। आज इंडिया VIX 9% से ज़्यादा उछल गया। यह निवेशकों के बीच बढ़ते डर का संकेत है।

आगे 3250-23280 का ज़ोन इंडेक्स के लिए तत्काल रेजिस्टेंस एरिया का काम कर सकता है। जब तक निफ्टी 23280 के स्तर से नीचे रहता है,तब तक निकट भविष्य में बाजार का रुख कमज़ोर रहने की संभावना है। आगे इंडेक्स पर बिकवाली का दबाव बना रह सकता है और यह 22950 की ओर खिसक सकता है। इसके बाद शॉर्ट टर्म में 22800 का स्तर भी देखने को मिल सकता है। मौजूदा मंदी के माहौल से निकलने और रिकवरी की संभावना को बेहतर बनाने के लिए निफ्टी के 23280 के ऊपर जा कर टिकने की जरूरत है।

बैंक निफ्टी व्यू

सुदीप शाह ने कहा कि बैंक निफ्टी भी ऊपर की ओर गैप के साथ खुला लेकिन ऊंचे स्तरों पर टिक नहीं पाया,जिसके कारण सेशन के दौरान इसमें भारी प्रॉफिट बुकिंग हुई। इसके बाद इंडेक्स में इंट्राडे हाई से 1200 अंकों से ज़्यादा की गिराव देखी गई और अंततः यह 55800 पर बंद हुआ। आज इसमें 1.43% की गिरावट। डेली चार्ट पर, इसने एक बड़ी बेयरिश कैंडल बनाई, जो ऊपरी स्तरों पर लगातार बने बिकवाली के दबाव को दर्शाती है।

तकनीकी नज़रिए से बैंक निफ्टी अभी अपने अहम मूविंग एवरेज से नीचे ट्रेड कर रहा है,जो निकट भविष्य में कमजोर ट्रेंड का संकेत है। डेली RSI 33.23 पर है और नीचे की ओर जा रहा है,जिससे पता चलता है कि मंदी का मोमेंटम हावी है।

आगे इसके लिए 55400-55300 का ज़ोन तत्काल सपोर्ट का काम कर सकता है। 55300 के स्तर से नीचे जाने पर गिरावट का दबाव बढ़ सकता है,जिससे 54800 और उसके बाद शॉर्ट टर्म में 54300 की ओर गिरावट का रास्ता खुल सकता है। ऊपर की ओर 56300-56400 का ज़ोन एक अहम रेजिस्टेंस एरिया के तौर पर काम कर सकता है। किसी भी अच्छी रिकवरी का संकेत देने के लिए इंडेक्स को इस बाधा से ऊपर जा कर टिके रहने की जरूरत है।

 

Market Trend : बाजार पर हावी हुआ क्रूड, बॉन्ड यील्ड और दरें बढ़ने का ट्रिपल टेंशन, इंट्राडे में शॉर्ट करें लेकिन मुनाफा समेट कर जाएं

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Market Trend : निफ्टी और बैंक निफ्टी दोनों ही मंदड़ियों के पकड़ में, जानिए किन शेयरों और सेक्टरों में दिख रहे पैसे बनाने के मौके

Market Trend : भारतीय बेंचमार्क इंडेक्स आज सपाट ट्रेड कर रहे हैं। निफ्टी 23,450 के आसपास है। जियोजित इन्वेस्टमेंट्स के मुख्य निवेश रणनीतिकार, वी के विजयकुमार का कहना है कि निफ्टी के 23500 के रेजिस्टेंस लेवल से नीचे आने के कारण मार्केट की स्थिति कमजोर हो गई है। तकनीकी रूप से मार्केट में और गिरावट की आशंका है। फंडामेंटल मैक्रो ट्रेंड्स भी बिगड़ते जा रहे हैं। ब्रेंट क्रूड की कीमत $101 के पार चली गई है और अमेरिका में 10-ईयर बॉन्ड यील्ड बढ़कर 4.83% हो गई है। इस महीने फेड द्वारा ब्याज दरें बढ़ाने की संभावना बढ़ गई है, जिससे मार्केट में चिंताएं भी बढ़ रही हैं।

मिडिल ईस्ट में जियोपॉलिटिकल तनाव बढ़ रहा है और मार्केट ट्रंप की इस बात पर ध्यान नहीं दे रहा है कि चुनाव (US मिड-टर्म) के तुरंत बाद युद्ध खत्म हो जाएगा।

भले ही भारत का विदेशी मुद्रा भंडार (forex reserves) ठीक-ठाक है और करंट अकाउंट डेफिसिट (current account deficit) कंट्रोल में है, लेकिन अगर कच्चे तेल की कीमत लंबे समय तक $100 से ऊपर बनी रहती है, तो इसका असर इस साल भारत की GDP ग्रोथ और कॉर्पोरेट अर्निंग्स पर भी पड़ेगा।

इससे जिन सेक्टर पर असर पड़ने की संभावना है वे एनर्जी पर निर्भर सेक्टर हैं। इसमें एविएशन, पेंट्स, एडहेसिव्स, टायर्स और केमिकल्स जैसे सेक्टर शामिल हैं। ऐसे माहौल में FMCG जैसे डिफेंसिव सेक्टर और फार्मास्यूटिकल्स और हेल्थकेयर जैसे सेक्टर, जिनकी डिमांड पर कीमतों का ज़्यादा असर नहीं पड़ता मज़बूत बने रहेंगे।

डिजिटल प्लेटफॉर्म कंपनियों जैसे ग्रोथ सेक्टर मज़बूत स्थिति में बने हुए हैं। भले ही बैंकिंग स्टॉक्स, खासकर बड़े प्राइवेट सेक्टर के स्टॉक्स, तकनीकी रूप से कमज़ोर हों, लेकिन वे फंडामेंटली मज़बूत हैं। लॉन्ग-टर्म इन्वेस्टर्स के लिए इस सेगमेंट में रिस्क-रिवॉर्ड रेश्यो अच्छा है।

निफ्टी व्यू

मार्केट ट्रेंड पर बात करते हुए मंत्री फिनमार्ट (Mantri FinMart) के अरुण कुमार मंत्री ने कहा कि बाजार के नजरिए से अभी तक पूरा हफ्ता काफी खराब रहा है। बाजार में कभी-कभी उछाल देखने को मिलता है लेकिन फिर यह दिन के निचले स्तर के करीब बंद होता है। 23600 के आसपास एक छोटा सपोर्ट था। इसको भी निफ्टी तोड़ चुका है। बाजार हालिया तेजी के 50% रिट्रेसमेंट रेशियो को भी तोड़ चुका है। अब निफ्टी के लिए 23,200 के आसपास के नेक्स्ट सपोर्ट है। आज या कल में निफ्टी इस सपोर्ट के पास भी आता नजर आ सकता है। आज या कल में निफ्टी में 23,150-23,200 के लेवल नजर आ सकते हैं। ओवरऑल ट्रेंड डाउन है। इसलिए जब तक 23,800 का लेवल नहीं निकलता, तब तक सेल ऑन राइस की स्ट्रेटजी रखें । नीचे में इमीडिएट तौर पर 23,200 तक के टारगेट आ सकते हैं।

बैंक निफ्टी व्यू

अरुण कुमार मंत्री का बैंक निफ्टी पर भी इसी तरह का नजरिया है। कल इसकी क्लोजिंग 56,300 के आसपास के आसपास हुई। इसमें भी ब्रेकडाउन का फ्रेश राउंड नजर आया है। इसमें आज के सत्र में 55,800 से 56,000 तक के लेवल्स देखने को मिल सकते हैं। निफ्टी और बैंक निफ्टी दोनों में ही बियरिश ट्रेंड है। पर जहां तक मिड कैप स्माल कैप की बात है वहां पर मोमेंटम अच्छा है। ऐसे में अगर कोई स्टॉक में ट्रेडिंग करता है तो उनके लिए माहौल अभी भी काफी अच्छा नजर आ रहा है। पर जो निफ्टी-बैंक निफ्टी में लॉन्ग ट्रेडर्स है उनके लिए दिक्कत लग रही है।

अरुण कुमार मंत्री के पसंदीदा शेयर

अरुण कुमार मंत्री ने कहा कि मेटल्स में काफी अच्छा मोमेंटम देखने को मिल रहा है। जिस हिसाब से डॉलर इंडेक्स गिर रहा है और मेटल्स के प्राइसेस ऊपर जा रहे हैं उसे देखते हुए हिंडाल्को में खरीदारी की सलाह रहेगी। पूरे एलुमिनियम स्टॉक्स में मोमेंटम पॉजिटिव है। हिंडाल्को में 1020 रुपए के आसपास, 1004 रुपए के स्टॉपलॉस के साथ 1049 रुपए के टारगेट के लिए खरीदारी करें।

इसके अलावा अदाणी ग्रुप में भी अच्छा मोमेंटम है। ऐसे में अदाणी ग्रीन में खरीदारी की सलाह होगी। इसमें 1312 रुपए के आसपास, 1294 रुपए के स्टॉपलॉस के साथ 1345 रुपए के टारगेट के लिए खरीदारी करें।

 

Trading Plan: निफ्टी पर दबाव बने रहने और कंसोलिडेशन की संभावना, जानिए इंडेक्स पर कमाई की रणनीति

 

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Crude Oil Price: ब्रेंट क्रूड 100 डॉलर के पार, भारत के लिए बढ़ेगी मुसीबत, शेयर बाजार पर भी असर

Crude Oil Price: ब्रेंट क्रूड का प्राइस आखिरकार 9 सितंबर को 100 डॉलर प्रति बैरल को पार कर गया। 24 जुलाई के बाद पहली बार ब्रेंट क्रूड 100 डॉलर के पार गया है। अमेरिका और ईरान के बीच तनाव लगातार बढ़ रहा है। इसका असर क्रूड ऑयल की कीमतों पर पड़ रहा है। अमेरिकी हमलों के जवाब में ईरान मध्यपूर्व में अमेरिका के सहयोगी देशों के ठिकानों को निशाना बना रहा है।

अमेरिका का ईरान के 5 ऑयल टैंकर्स ध्वस्त करने का दावा

8 सितंबर को अमेरिकी सेना ने कहा कि उसने ईरान के पांच ऑयल टैंकर्स को ध्वस्त कर दिया है। उसने कहा कि ईरान ने अमेरिकी नौसेना के एक युद्धपोत पर बैलेस्टिक मिसाइल से हमला किया था। इसके जवाब में उसने ईरानी ऑयल टैंकर्स को निशाना बनाया है। इससे मध्यपूर्व में एक बार फिर से स्थिति काफी गंभीर हो गई है।

ईरान  ने भी जवाबी कार्रवाई में जॉर्डन पर किए हमलें

अमेरिकी हमले के जवाब में ईरान ने जॉर्डन पर बैलेस्टिक मिसाइल से हमले किए हैं। उसने फारस की खाड़ी में दूसरे जहाजों को भी चेतावनी जारी की है। ईरान के सरकारी टेलीविजन ने IRGC को उद्धृत करते हुए कहा है कि कुवैत और बहरीन के बंदरगाहों के करीब स्थित सभी जहाजों के क्रू को अपने जहाज छोड़ देने चाहिए, क्योंकि उन्हें निशाना बनाया जाएगा।

क्रूड का भाव बीते 7 हफ्तों के सबसे ऊंचे लेवल पर 

क्रूड ऑयल की कीमतें बीते सात हफ्तों में सबसे हाई लेवल पर पहुंच गई हैं। एक हफ्ते में क्रूड का भाव 4 फीसदी चढ़ा है। बीते एक महीने में यह 14 फीसदी चढ़ा है। इस साल यानी 2026 में क्रूड का भाव अब तक 64 फीसदी उछला है। इधर, इंडिया का क्रूड बास्केट 100 डॉलर के पार हो गया है। इससे सरकार पर आर्थिक दबाव बढ़ेगा।

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क्रूड में उछाल से भारत के लिए बढ़ सकता है संकट 

भारत अपनी जरूरत का 85 फीसदी ऑयल इंपोर्ट करता है। इसका बड़ा हिस्सा स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के रास्ते भारत आता है। स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के रास्ते सप्लाई बाधित होने से क्रूड की कीमतें लगातार चढ़ रही हैं। क्रूड में उछाल से भारत का इंपोर्ट बिल बढ़ेगा। इस साल अमेरिका-ईरान के बीच लड़ाई शुरू होने के बाद से भारत में पेट्रोल, डीजल, सीएनजी और पीएनजी की कीमतें बढ़ाई हैं। ऑयल मार्केटिंग कंपनियों ने अपने लॉस कम करने के लिए पेट्रोल और डीजल की कीमतें चार बार बढ़ाई हैं।

शेयर बाजारों पर भी पड़ेगा असर

क्रूड में उछाल का असर शेयर बाजारों पर भी पड़ेगा। खासकर पेंट, टायर, ऑयल मार्केटिंग कंपनियों पर इसका असर पड़ेगा। एविएशन कंपनियों पर भी इसका असर पड़ेगा। एटीएफ की कीमतें बढ़ने से उनका कुल खर्च बढ़ जाएगा। भारतीय शेयर बाजारों पर पहले से दबाव है। 9 सितंबर को लगातार तीसरे दिन बाजार में बड़ी गिरावट दिखी।

ईंधन की बढ़ती कीमतों की मार! हिंडन से उड़ानों पर IndiGo की कैंची, कोलकाता-नवी मुंबई और वाराणसी की फ्लाइटें घटीं

IndiGo cuts flights: उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद स्थित हिंडन एयरपोर्ट से देश की प्रमुख एयरलाइन इंडिगो ने तीन प्रमुख घरेलू रूट्स पर उड़ानों की संख्या कम कर दी है। विमान ईंधन यानी एविएशन टरबाइन फ्यूल (ATF) की कीमतों में 5.5% बढ़ोतरी को इसके पीछे प्रमुख कारण बताया गया है। सितंबर में ATF की कीमत बढ़कर ₹121.3 प्रति लीटर हो गई है। इस वजह से इंडिगो अब हिंडन से सिर्फ 5 रूट्स वाराणसी, बेंगलुरु, कोलकाता, चेन्नई और नवी मुंबई पर संचालन कर रही है। पश्चिम एशिया संकट (West Asia crisis) और ईंधन की कीमतों में उछाल के कारण एयरलाइंस अपनी कैपेसिटी घटाने पर मजबूर हैं।

एयरलाइन अधिकारियों के मुताबिक, ईंधन की बढ़ती कीमतों और परिचालन लागत के दबाव में क्षमता को कम किया गया है। अधिकारियों ने बताया कि एयरलाइन की परिचालन लागत में ईंधन की हिस्सेदारी करीब 40-60% तक हो सकती है। हिंडन एयरपोर्ट पर कमर्शियल उड़ानों के संचालन की शुरुआत जून में हुई थी। जुलाई 2025 में इंडिगो ने यहां से नई उड़ानें शुरू की थीं। हालांकि, एयरपोर्ट पर सुबह से शाम तक संचालन की पाबंदियां और सीमित पार्किंग जैसी दिक्कतें भी एयरलाइनों के लिए चुनौती बनी हुई हैं।

इंडिगो फ्लाइट की संख्या में प्रमुख बदलाव

  • कोलकाता: रोजाना चलने वाली उड़ान अब सप्ताह में केवल 2 दिन (सोमवार और रविवार या बुधवार/रविवार) संचालित होगी।
  • नवी मुंबई: दैनिक (Daily) सेवाओं को घटाकर अब सप्ताह में 4 दिन कर दिया गया है।
  • वाराणसी: सप्ताह में 6 दिन चलने वाली सेवा को घटाकर अब 5 दिन (सोमवार, बुधवार, शुक्रवार और शनिवार) कर दिया गया है।

हिंडन से अब केवल 5 रूटों पर संचालन

इंडिगो वर्तमान में हिंडन से केवल 5 रूटों पर ही परिचालन कर रही है। इनमें वाराणसी, बेंगलुरु, कोलकाता, चेन्नई और नवी मुंबई शामिल है। इसमें बेंगलुरु के लिए रोजाना उड़ानें जारी हैं। जबकि चेन्नई के लिए सप्ताह में 4 दिन (सोमवार, मंगलवार, गुरुवार और शनिवार) उड़ानें चल रही हैं।

ऑपरेशनल चुनौतियां और हिंडन की घटती कनेक्टिविटी

हिंडन टर्मिनल से संबंधित समस्याएं जेवर स्थित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (NIA) के जून में हुए कमर्शियल लॉन्च से भी पुरानी हैं। इंडिगो ने जुलाई 2025 में हिंडन से 8 नए रूट शुरू किए थे। लेकिन अहमदाबाद, इंदौर और पटना जैसे रूट कुछ ही महीनों में बंद कर दिए गए। एयर इंडिया एक्सप्रेस भी इस टर्मिनल से पूरी तरह हट चुकी है।

हिंडन मूल रूप से भारतीय वायु सेना (IAF) का केंद्र है, जहां सुबह से शाम (dawn-to-dusk) तक ही उड़ान संचालन की अनुमति है। साथ ही यहां कमर्शियल विमानों के लिए सीमित पार्किंग जगह उपलब्ध है। वर्तमान में यहां केवल दो एयरलाइंस इंडिगो और स्टार एयर (नांदेड़ एवं आदमपुर के लिए) ऑपरेट कर रही हैं।

ईंधन की आसमान छूती कीमतें

  • सितंबर में 5.5% की बढ़ोतरी: सितंबर से ATF की कीमतें 5.5% बढ़कर ₹121.3 प्रति लीटर हो गई हैं।
  • पिछले महीनों का हाल: जुलाई में कीमतें ₹110 प्रति लीटर और अगस्त में ₹115 प्रति लीटर थीं।
  • लागत पर असर: अधिकारियों के अनुसार, एयरलाइन की कुल परिचालन लागत (operating cost) में ईंधन का हिस्सा 40% से 60% तक होता है। घाटे से निपटने के लिए इंडिगो ने अपनी घरेलू क्षमता में 5% से 7% तक की कटौती की है। जबकि एयर इंडिया ने अपनी उड़ानों में 22% तक की कमी की है।

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Rahul Gandhi : राहुल गांधी का विमान लखनऊ में नहीं हो पाया लैंड, Air India की फ्लाइट AI-1717 को करना पड़ा Go Around

Rahul Gandhi : राहुल गांधी का विमान लखनऊ में नहीं हो पाया लैंड, Air India की फ्लाइट AI-1717 को करना पड़ा Go Around

दिल्ली से लखनऊ आ रही Air India की फ्लाइट AI-1717 को लखनऊ के अमौसी एयरपोर्ट पर लैंडिंग से ठीक पहले गो-अराउंड करना पड़ा। खबरों के मुताबिक कांग्रेस नेता राहुल गांधी भी इस फ्लाइट में सवार थे। पहली बार रनवे पर उतरने की कोशिश के दौरान विमान का अप्रोच अस्थिर होने पर पायलट ने लैंडिंग को रोक दिया और विमान को दोबारा ऊंचाई पर ले गए। इसके बाद पायलट ने विमान को नई लैंडिंग के लिए तैयार किया।

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दूसरी कोशिश में सुरक्षित लैंडिंग

 

नई अप्रोच के बाद विमान ने रनवे पर दोबारा लैंडिंग की और दूसरी कोशिश में सुरक्षित उतर गया। विमान में सवार सभी यात्रियों और क्रू के सुरक्षित होने की जानकारी है। एविएशन सेक्टर में गो-अराउंड (Go-Around) को एक सामान्य सुरक्षा प्रक्रिया माना जाता है। जब पायलट को लगता है कि मौजूदा अप्रोच में विमान को सुरक्षित तरीके से उतारना संभव नहीं है, तो वह लैंडिंग रोककर विमान को फिर से ऊंचाई पर ले जाता है। इसके बाद नई अप्रोच के जरिए विमान की लैंडिंग कराई जाती है।

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दिल्ली से दोपहर 2:20 बजे रवाना हुई थी फ्लाइट

जानकारी के मुताबिक, Air India की AI-1717 फ्लाइट दिल्ली से करीब दोपहर 2:20 बजे रवाना हुई थी। विमान के लगभग 3.30 बजे लखनऊ पहुंचने का निर्धारित समय था। लखनऊ एयरपोर्ट पर पहली लैंडिंग के दौरान विमान का अप्रोच अस्थिर होने के बाद पायलट ने गो-अराउंड किया। कुछ देर बाद विमान ने दोबारा रनवे की ओर अप्रोच किया और सुरक्षित लैंडिंग की। खबरों के मुताबिक यह घटना पायलट द्वारा अपनाई गई सुरक्षा प्रक्रिया से जुड़ी थी और विमान की दूसरी कोशिश में सामान्य रूप से लैंडिंग हो गई।

ट्रम्प बोले- कनाडाई बॉम्बार्डियर प्लेन अमेरिका में नहीं बिकेंगे:कहा- हमारे बाजार चाहिए तो यहीं बनाओ, US को पिगी बैंक मत समझो

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कनाडा की विमान कंपनी बॉम्बार्डियर को अमेरिका में विमान बेचने से रोकने की धमकी दी है। ट्रम्प ने कहा कि अगर बॉम्बार्डियर को अमेरिकी बाजार में कारोबार करना है तो उसे विमान अमेरिका में ही बनाने होंगे। उन्होंने कहा कि कनाडा अमेरिका के बाजार का गलत फायदा उठा रहा है। हालांकि ट्रम्प ने यह नहीं बताया कि बॉम्बार्डियर के विमानों की बिक्री रोकने के लिए अमेरिका कौन-सा कदम उठाएगा। ट्रम्प ने सोमवार को ट्रुथ सोशल पर लिखा, अमेरिका में बॉम्बार्डियर विमान की बिक्री अब नहीं होगी। उन्हें अमेरिका को पिगी बैंक समझना बंद करना होगा। अमेरिका बॉम्बार्डियर के लिए सबसे बड़ा बाजार है अमेरिका बॉम्बार्डियर कंपनी के लिए बेहद अहम बाजार है। आधिकारिक रिपोर्ट के मुताबिक 2025 में बॉम्बार्डियर की कुल आय 9.55 अरब डॉलर रही। इस कमाई का बड़ा हिस्सा अमेरिका से आता है लेकिन रिपोर्ट में यह स्पष्ट नहीं है कि कमाई का 50 प्रतिशत अमेरिका में किए गए कारोबार से आया। कंपनी ने कहा- हमने US में हजारों लोगों को नौकरी दी ट्रम्प की धमकी के बाद बॉम्बार्डियर कंपनी ने कहा कि उसका अमेरिका में बड़ा कारोबार है और इससे वहां हजारों लोगों को नौकरी मिलती है। कंपनी ने बताया कि उसकी सप्लाई चेन में अमेरिका के 47 राज्यों की करीब 2,800 कंपनियां शामिल हैं। बॉम्बार्डियर ने यह भी कहा कि उसके विमानों में अमेरिका में बने इंजन, एवियोनिक्स और कई दूसरे अहम उपकरण इस्तेमाल होते हैं। कंपनी इस साल इंडियाना के फोर्ट वेन में अपनी नई फैसिलिटी भी शुरू करने वाली है। जनवरी में भी ट्रम्प ने दी थी धमकी कनाडाई कंपनी बॉम्बार्डियर को लेकर ट्रम्प पहले भी सख्त रुख अपना चुके हैं। जनवरी में उन्होंने कंपनी के विमानों का अमेरिका में सर्टिफिकेशन रद्द करने और कनाडाई विमानों पर 50% टैरिफ लगाने की धमकी दी थी। उस समय ट्रम्प कनाडा से इसलिए नाराज थे क्योंकि उनका आरोप था कि कनाडा ने अमेरिकी कंपनी गल्फस्ट्रीम के नए विमानों को सर्टिफिकेशन देने से इनकार किया था। उस समय ट्रम्प की धमकी पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। बॉम्बार्डियर के विमान अभी भी अमेरिका में सर्टिफाइड हैं। अमेरिका-कनाडा के बीच बढ़ रहा ट्रेड वॉर बॉम्बार्डियर पर ट्रम्प की नई धमकी ऐसे समय आई है, जब अमेरिका और कनाडा के बीच टैरिफ को लेकर तनाव बढ़ा हुआ है। पिछले महीने ट्रम्प ने करीब 20 अरब डॉलर के कनाडाई सामान पर 50% टैरिफ लगाया था। इसमें हॉकी स्टिक से लेकर सीमेंट तक के सामान शामिल थे। इसके जवाब में कनाडा ने भी अमेरिका से आने वाले करीब 20 अरब डॉलर के सामान पर जवाबी टैरिफ लगाने का फैसला किया है। ये टैरिफ मंगलवार से प्रभावी हो गए हैं। बॉम्बार्डियर पर रोक लगाना आसान नहीं ट्रम्प की धमकी के बावजूद बॉम्बार्डियर के विमानों की बिक्री पर तुरंत रोक लगाना आसान नहीं होगा। अमेरिका में विमानों को सर्टिफाई करने की जिम्मेदारी फेडरल एविएशन एडमिनिस्ट्रेशन यानी FAA की है। यानी राष्ट्रपति सीधे किसी विमान का सर्टिफिकेशन रद्द नहीं कर सकते। इसके लिए संबंधित अमेरिकी एजेंसी की प्रक्रिया से गुजरना होगा। अमेरिका-कनाडा के बीच विवाद की 5 बड़ी वजहें 1. टैरिफ की नई लड़ाई सबसे बड़ा विवाद टैरिफ को लेकर है। अमेरिका ने कनाडा के करीब 20 अरब डॉलर के सामान पर 50% तक अतिरिक्त शुल्क लगाया है। इसमें शराब, डेयरी, फर्नीचर, हॉकी उपकरण और कई दूसरे सामान शामिल हैं। बातचीत टूटने के बाद कनाडा ने भी डॉलर-फॉर-डॉलर जवाबी टैरिफ लगाने का फैसला किया है। 2. कनाडा को 51वां राज्य कहना ट्रम्प कई बार कनाडा को अमेरिका का 51वां राज्य बनाने की बात कह चुके हैं। ट्रम्प का कहना है कि अमेरिका व्यापार के मामले में कनाडा को अरबों डॉलर का फायदा पहुंचाता है। यदि कनाडा अमेरिका का हिस्सा बन जाता है, तो यह व्यापारिक असमानता और टैरिफ से जुड़े विवाद अपने आप खत्म हो जाएंगे। 3. ट्रूडो को कनाडा का गवर्नर कहना ट्रम्प ने कई बार कनाडा के तत्कालीन प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो को तंजिया लहजे में ‘गवर्नर’ कहकर संबोधित किया था। कनाडाई नेताओं और जनता ने इसे अपनी संप्रभुता का अपमान माना। 4. सीमा सुरक्षा, अवैध घुसपैठ और फेंटानिल तस्करी अमेरिका और कनाडा के बीच बढ़ती सीमा सुरक्षा चिंताएं भी बड़े विवाद का कारण बनी हैं। ट्रम्प प्रशासन का आरोप रहा है कि कनाडा की उत्तरी सीमा से अवैध प्रवासियों की घुसपैठ और खतरनाक नशीली दवाओं (विशेषकर फेंटानिल) की तस्करी अमेरिका में बढ़ रही है। अमेरिका ने कनाडा से अपनी सीमाओं पर सख्त निगरानी और सख्त आव्रजन नीतियां लागू करने की मांग की है। 5. डेयरी और कृषि विवाद अमेरिका लंबे समय से कनाडा की ‘सप्लाई मैनेजमेंट’ सिस्टम का विरोध करता रहा है, जो कनाडाई डेयरी और पोल्ट्री (मुर्गी पालन) मार्केट को विदेशी प्रतिस्पर्धा से बचाती है। अमेरिका चाहता है कि कनाडा अपने डेयरी बाजार को अमेरिकी किसानों के लिए पूरी तरह खोले। ———————– यह खबर भी पढ़ें… अमेरिकी मंत्री ने कनाडा को ‘भौंकने वाला छोटा कुत्ता’ बताया: बोले- पीएम कार्नी ने बेहतरीन ट्रेड डील ठुकराई अमेरिकी वित्त मंत्री स्कॉट बेसेंट ने कनाडा की तुलना छोटे कुत्ते से की। उन्होंने कनाडाई प्रधानमंत्री मार्क कार्नी पर बेहतरीन व्यापार समझौते को ठुकराने का आरोप भी लगाया। पूरी खबर पढ़ें…

मियामी एयरपोर्ट पर बड़ा विमान हादसा, रनवे से बाहर निकला Amazon का कार्गो प्लेन, 5 की मौत

Miami Airport Plane Crash: रविवार दोपहर मियामी इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर बड़ा हादसा हो गया। लैंडिंग के दौरान अमेजन प्राइम एयर का एक कार्गो विमान रनवे से आगे निकल गया और जमीन पर मौजूद कई वाहनों से टकरा गया। इसके बाद विमान में आग लग गई। बता दें कि इस हादसे में कम से कम 5 लोगों की मौत हो गई।

इस घटना की जानकारी एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के माध्यम से देते हुए स्थानीय अधिकारियों ने बताया कि प्राइम एयर की फ्लाइट 7598 दोपहर 2 बजे EDT (1800 GMT) से कुछ देर पहले एयरपोर्ट के तिरछे रनवे से आगे निकल गई। वहीं, हादसे के बाद आसमान में काले धुएं का घना गुबार दिखाई देने लगा।

मियामी-डेड फायर रेस्क्यू के चीफ राएड “रे” जदाल्लाह ने बताया कि इस हादसे में पांच और लोग घायल हुए। उनमें से तीन की हालत गंभीर थी और उन्हें ट्रॉमा सेंटर ले जाया गया, जबकि दो अन्य को स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

जदाल्लाह ने बताया कि विमान की चपेट में आए कई वाहनों में लोग फंस गए थे, जिन्हें काफी मशक्कत के बाद बाहर निकाला गया। कम से कम दो लोग वाहनों के अंदर फंसे हुए थे। वहीं, हादसे के बाद विमान के पायलट और को-पायलट भी उसके अंदर फंस गए थे।

बता दें कि अधिकारियों ने मरने वालों की पहचान बताने से इनकार कर दिया है।

अमेजन का बयान

अमेजन की प्रवक्ता केली नेंटेल ने कहा, “हम पुष्टि कर सकते हैं कि 21 Air द्वारा संचालित अमेजन एयर का एक विमान आज मियामी इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर उतरने की कोशिश के दौरान एक घटना का शिकार हो गया। यह स्थिति तेजी से बदल रही है और हम अभी भी जानकारी जुटा रहे हैं। हम स्थानीय अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ मिलकर यह समझने की कोशिश कर रहे हैं कि असल में क्या हुआ। अभी हमारी सबसे बड़ी प्राथमिकता इसमें शामिल सभी लोगों की सुरक्षा, भलाई और देखभाल है। हम प्रभावित लोगों की मदद के लिए हर संभव कोशिश कर रहे हैं।”

रेस्क्यू ऑपरेशन

मियामी-डेड फायर रेस्क्यू ने एक बयान में बताया कि हादसे के बाद राहत और बचाव कार्य के लिए 60 से ज्यादा रेस्क्यू यूनिट्स और करीब 200 कर्मियों को मौके पर भेजा गया।

जादल्लाह ने बताया कि रविवार देर दोपहर तक आपातकालीन कर्मी विमान से हो रहे सक्रिय ईंधन रिसाव से निपटने में लगे हुए थे।

दुर्घटना के तुरंत बाद हवाई अड्डे ने सभी उड़ानें रोक दीं। हालांकि, रविवार शाम तक इसके चार में से दो रनवे फिर से खोल दिए गए थे।

दुर्घटना के बाद रॉयटर्स द्वारा ली गई तस्वीरों में विमान का अगला हिस्सा जमीन पर और पिछला हिस्सा ऊपर की ओर झुका हुआ दिखाई दे रहा था। विमान के दाहिने हिस्से पर जलने के निशान जैसे दिख रहे थे।

Flightradar24 के अनुसार, विमान 112 समुद्री मील प्रति घंटे (129 मील प्रति घंटा) की गति से रनवे से बाहर निकल गया।

32 साल पुराना बोइंग 767 कार्गो विमान

यह विमान सैन जुआन, प्यूर्टो रिको से उड़ा था। फ्लाइट ट्रैकिंग सर्विस ‘Flightradar24’ के अनुसार, यह 32 साल पुराना बोइंग 767-300 कार्गो विमान था, जिसे 1994 और 2015 के बीच अलग-अलग एयरलाइंस ने पैसेंजर विमान के तौर पर इस्तेमाल किया था।

अमेजन के एक प्रवक्ता ने बयान में कहा कि कार्गो एयरलाइन ’21 Air’ अमेजन के लिए इस विमान को ऑपरेट करती थी।

वहीं, ’21 Air’ ने अपनी वेबसाइट पर कहा, “आज मियामी में हमारे एक विमान के साथ हुए हादसे से हम बहुत दुखी हैं। जिन लोगों की जान गई है, उनके परिवारों और चाहने वालों के प्रति हमारी गहरी संवेदनाएं हैं।”

अमेजन की प्रवक्ता केली नेंटेल ने कहा कि कंपनी अभी भी इस घटना के बारे में जानकारी इकट्ठा कर रही है।

नेंटेल ने एक बयान में कहा, “हम स्थानीय अधिकारियों और अफसरों के साथ मिलकर यह समझने की कोशिश कर रहे हैं कि असल में क्या हुआ था। अभी हमारी सबसे बड़ी प्राथमिकता इसमें शामिल सभी लोगों की सुरक्षा, भलाई और देखभाल है।”

इसके अलावा, बोइंग और 21 Air ने कहा कि वे क्रैश की सरकारी जांच में सहयोग करेंगे।

जांच

US में सिविल एविएशन से जुड़े हादसों की जांच करने वाली संस्था, नेशनल ट्रांसपोर्टेशन सेफ्टी बोर्ड (NTSB) ने कहा कि उसने इस क्रैश की जांच के लिए चेयरवुमन जेनिफर होमेंडी की अगुवाई में एक टीम भेजी है। यह एजेंसी सोमवार को मियामी में अपनी पहली मीडिया ब्रीफिंग करेगी।

बता दें कि रविवार को हुआ हादसा, Amazon Prime Air के विमान से जुड़ा पहला जानलेवा क्रैश नहीं था। फरवरी 2019 में, Amazon Prime Air के लिए मियामी से ह्यूस्टन जा रहा एटलस एयर फ्लाइट 3591 (एक बोइंग 767-300 फ्रेटर विमान) तेजी से नीचे गिरा और टेक्सास की ट्रिनिटी बे में क्रैश हो गया। इसमें सवार तीनों लोगों की मौत हो गई थी।

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मियामी में रनवे से बाहर निकला प्लेन, आग लगी:पार्किंग में खड़ी गाड़ियों से टकराया, कई मौतों की आशंका

अमेरिका के मियामी इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर रविवार को बोइंग 767 कार्गो विमान लैंडिंग के बाद रनवे से बाहर निकल गया। फेडरल एविएशन एडमिनिस्ट्रेशन (FAA) के मुताबिक, प्लेन स्थानीय समय के मुताबिक दोपहर करीब 2 बजे रनवे से बाहर गया। क्रैश हुए कार्गो प्लेन की टक्कर कई गाड़ियों से हुई। वीडियो में विमान एयरपोर्ट के पास एक सड़क के किनारे दिखाई दे रहा है। फायर रेस्क्यू टीमों ने कई लोगों की मौत की आशंका जताई है। विमान अमेजन का बताया जा रहा है। इस पर प्राइम एयर लिखा हुआ है लेकिन इसकी आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है। FAA ने एक बयान में बताया कि बोइंग 767-300 कार्गाे प्लेन ने प्यूर्टो रिको के लुइस मुनोज मारिन इंटरनेशनल एयरपोर्ट से उड़ान भरी थी। एयर ट्रैफिक कंट्रोल के रिकॉर्ड किए गए ऑडियो में एक ग्राउंड व्हीकल से टावर को सूचना देते सुना गया, “लगता है कि विमान 30 नंबर रनवे से आगे निकल गया है।” यह ऑडियो ATC.com ने कैप्चर किया। विमान हादसे की तस्वीरें… मियामी एयरपोर्ट पर ग्राउंड स्टॉप लागू FAA के अलर्ट के मुताबिक, रनवे पर प्लेन अभी भी मौजूद है। इस कारण मियामी एयरपोर्ट पर ग्राउंड स्टॉप लागू है। इसका मतलब है कि एयरपोर्ट पर सभी विमानों की आवाजाही रोक दी गई है। बताया जा रहा है कि कार्गो प्लेन अमेजन का था। हादसे पर प्रतिक्रिया के लिए अमेजन से संपर्क किया गया, लेकिन उसकी तरफ से अभी कोई बयान सामने नहीं आया है। प्लेन में कितने लोग सवार थे, रनवे के बाहर गाड़ियों से टकराने के बाद कितने घायल हुए और गाड़ियों के नुकसान की जानकारी अभी सामने नहीं आई है। —————- प्लेन हादसे से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… ग्रीस एयर शो में करतब दिखा रहा जेट क्रैश: दोनों पायलटों की मौत ग्रीस की वायुसेना का दो सीटों वाला F-4 फैंटम फाइटर जेट शनिवार को एयर शो के दौरान क्रैश हो गया। इसमें दोनों पायलटों की मौत हो गई। यह हादसा तानाग्रा एयर फोर्स बेस पर आयोजित ‘एथेंस फ्लाइंग वीक’ के दौरान हुआ। इसे देखने के लिए कई हजार लोग मौजूद थे। पढ़ें पूरी खबर…