SBI Funds Management Shares: ₹750 तक जा सकता है स्टॉक, Emkay ने खरीदने की सलाह दी

SBI Funds Management Shares: SBI Mutual Fund चलाने वाली कंपनी SBI Funds Management की शेयर बाजार में मजबूत शुरुआत हुई। कंपनी का शेयर ₹574 के IPO प्राइस के मुकाबले 6.84% प्रीमियम के साथ ₹613.30 पर NSE में लिस्ट हुआ। कारोबार के दौरान यह ₹624.95 तक पहुंचा। हालांकि दिन के अंत में शेयर ₹609.75 पर बंद हुआ, जो लिस्टिंग प्राइस से 0.58% नीचे है। कंपनी का मार्केट कैप करीब ₹1.24 लाख करोड़ रहा।

Emkay ने दी ‘Buy’ रेटिंग

ब्रोकरेज फर्म Emkay Global ने शेयर पर कवरेज शुरू करते हुए ‘Buy’ रेटिंग दी है। ब्रोकरेज ने ₹750 का टारगेट प्राइस रखा है। यह IPO प्राइस के मुकाबले करीब 31% और मौजूदा क्लोजिंग भाव के मुकाबले करीब 23% की संभावित तेजी दिखाता है।

Emkay के बुलिश रुख की वजह

Emkay का मानना है कि भारत में म्यूचुअल फंड इंडस्ट्री की लंबी अवधि की ग्रोथ का सबसे बड़ा फायदा SBI Funds Management को मिल सकता है।

ब्रोकरेज के मुताबिक, SBI का मजबूत ब्रांड और बड़ा डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क कंपनी की सबसे बड़ी ताकत है। फिलहाल SBI Mutual Fund के करीब 55 लाख ग्राहक हैं, जबकि SBI के 2.1 करोड़ सैलरी अकाउंट हैं। यानी अभी भी कंपनी के पास नए ग्राहकों को जोड़ने की बड़ी गुंजाइश है, खासकर B-30 शहरों और ग्रामीण इलाकों में।

अब किस फैक्टर पर फोकस रहेगा?

Emkay को उम्मीद है कि कंपनी धीरे-धीरे इक्विटी म्यूचुअल फंड, AIF और PMS जैसे ज्यादा मार्जिन वाले प्रोडक्ट्स पर फोकस बढ़ाएगी। इससे कमाई बेहतर हो सकती है।

ब्रोकरेज का अनुमान है कि FY26 से FY29 के बीच कंपनी का EBITDA CAGR करीब 17% रह सकता है।

क्या हैं जोखिम?

Emkay ने कुछ जोखिम भी बताए हैं। SBI के नेटवर्क से नए ग्राहक कम जुड़ सकते हैं। म्यूचुअल फंड स्कीमों का प्रदर्शन कमजोर पड़ सकता है। शेयर बाजार में लंबे समय तक सुस्ती रह सकती है। रेगुलेटरी नियमों में बदलाव भी कंपनी की ग्रोथ पर असर डाल सकते हैं।

Bandhan Bank Q1 Results: 35% बढ़ा मुनाफा, NPA घटा; लोन-डिपॉजिट में दिखी दमदार ग्रोथ

Disclaimer: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए सलाह या विचार एक्सपर्ट/ब्रोकरेज फर्म के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदायी नहीं है। यूजर्स को मनीकंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले हमेशा सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

अमिताभ कांत ने कहा-अमेरिकी इकोनॉमी में जगह बनाए बैगर भारत तेज ग्रोथ हासिल नहीं कर सकता

नीति आयोग के पूर्व सीईओ अमिताभ कांत ने भारत के साथ ट्रेड डील को लेकर बड़ी बात कही है। उन्होंने कहा है कि हाई इकोनॉमिक ग्रोथ के लिए भारत को अमेरिका के साथ निश्चित रूप से फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (एफटीए) करना चाहिए। इसकी वजह बताते हुए उन्होंने कहा कि दुनिया की सबसे बड़ी इकोनॉमी में गहरी पैठ बनाए बगैर तेज रफ्तार से बढ़ना नामुमकिन है।

कांत ने भारत-अमेरिका के बीच प्रस्तावित समझौते को देश के लिए बहुत अहम और जरूरी बताया। उन्होंने कहा कि यह डील संतुलित होने के साथ ही ऐसा होना चाहिए जिससे दोनों देशों को फायदा हो। उन्होंने कहा कि जापान, दक्षिण कोरिया और चीन जैसे देश अमेरिका के साथ आर्थिक रिश्ते बढ़ाकर तेजी से आगे बढ़ रहे हैं।

उन्होंने कहा कि जब तक हम अमेरिकी इकोनॉमी में अपनी पैठ नहीं बनाते हमारे लिए बहुत तेज रफ्तार वाली गोथ हासिल करना नामुमकिन होगा। अमेरिका के साथ डील से भारतीय निर्यातकों के लिए एक समान मौके सुनिश्चित होने चाहिए। उन्होंने कहा, “अमेरिका के साथ हमारा एफटीए बहुत अहम है। लेकिन, यह दोनों देशों के लिए पारस्परिक फायदेमंद होना चाहिए।”

अमेरिका के साथ डील के लिए कॉमर्स मिनिस्ट्री की बातचीत की तारीख करते हुए उन्होंने कहा कि मेरा मानना है कि कॉमर्स मिनिस्ट्री एफटीए को लेकर अच्छा काम कर रही है। उन्होंने कहा कि भारत को बातचीत में अपना पक्ष मजबूती से रखना चाहिए। कुछ मसलों के मामले में धैर्य जरूरी है। उन्होंने कहा, “मेरा मानना है कि हमें बातचीत में मजबूती से अपना पक्ष रखना चाहिए।”

नीति आयोग के पूर्व सीईओ ने अमिताभ कांत ने राजेश अग्रवाल के 13 जुलाई के उस बयान के बाद ये बातें कही हैं, जिसमें अग्रवाल ने कहा था कि भारत-अमेरिका के बीच समझौते का फ्रेमवर्क हस्ताक्षर के लिए तैयार है। उन्होंने यह भी कहा था कि दोनों पक्षों को इसके समय और स्ट्रक्चर के लिए तैयार होना है। उन्होंने यह भी कहा था कि व्यापक ट्रेड एग्रीमेंट को लेकर भी बातचीत भी आगे बढ़ रही है।

भारत और अमेरिका कई महीनों की बातचीत के बाद इस साल फरवरी में अंतरिम समझौते के लिए तैयार हुए थे। इस समझौते के तहत अमेरिका भारत से होने वाले एक्सपोर्ट्स पर टैरिफ 50 फीसदी से घटाकर 18 फीसदी करने को तैयार हो चुका है। कांत ने कहा कि अमेरिका दुनिया की सबसे बड़ी इकोनॉमी है।

उन्होंने कहा, “अमेरिका 30 ट्रिलयन (लाख करोड़) डॉलर की इकोनॉमी है। यह 3.5 फीसदी की दर से भी बढ़ती है तो दुनिया के लिए बड़ी डिमांड बनेगी। इसलिए हमारे लिए इस इकोनॉमी में जगह बनाए बगैर तेजी से बढ़ना नामुमकिन होगा। “

Redmi Note 17 Leaks: 8000mAh बैटरी और 50MP कैमरे के साथ आएगा नया स्मार्टफोन, जानें कीमत और लॉन्च डेट

Redmi Note 17 Leaks: Redmi Note 17 सीरीज, एक हफ्ते पहले चीनी मार्केट में लॉन्च होने के बाद, अब भारतीय मार्केट में एंट्री करने वाली है। लीक हुई जानकारी के मुताबिक, Redmi Note 17 भारत में कई शानदार फीचर्स के साथ लॉन्च हो सकता है। इसकी लॉन्चिंग में बस 20-22 दिन ही बचे हैं। तो आइए, हम आपको सभी अफवाहों, अनुमानों और लीक्स के आधार पर इस फोन के स्पेसिफिकेशन्स, लॉन्च डेट और कीमत के बारे में जानकारी देते हैं।

भारत में Redmi Note 17 की कीमत और लॉन्च डेट

टिपस्टर अभिषेक यादव ने लीक रिपोर्ट के आधार पर बताया कि Redmi Note 17 भारत में 6 अगस्त को लॉन्च हो सकता है। वहीं, फोन की पहली सेल 11 अगस्त 2026 से शुरू होने की उम्मीद है। लॉन्च के समय यह हैंडसेट तीन कलर ऑप्शन Blue, Violet और Black कलर में लॉन्च हो सकते हैं।

अब अगर कीमत की बात करें तो, Redmi Note 17 की शुरुआती कीमत 19,999 रुपये के आसपास हो सकती है।

Redmi Note 17 के स्पेसिफिकेशन्स और कैमरा

Redmi Note 17 में 7.0-इंच का OLED डिस्प्ले मिल सकता है, जो 120Hz रिफ्रेश रेट और 1800 निट्स तक की पीक ब्राइटनेस के साथ आएगा। यह फोन Qualcomm Snapdragon 4 Gen 4 प्रोसेसर और Adreno 613 GPU पर चल सकता है। इसके अलावा, फोन में 6GB RAM और 128GB इंटरनल स्टोरेज मिलने की उम्मीद है। पावर के लिए फोन में 8000mAh की बैटरी दी जा सकती है, जो 45W वायर्ड और 22.5W रिवर्स वायर्ड चार्जिंग को सपोर्ट करेगी।

कैमरे की बात करें तो, Redmi Note 17 में डुअल रियर कैमरा सेटअप हो सकता है, जिसमें 50MP का प्राइमरी कैमरा, LED फ्लैश, HDR और पैनोरमा सपोर्ट शामिल होंगे। वहीं, सेल्फी और वीडियो कॉल के लिए फोन में 8MP का फ्रंट कैमरा दिया जा सकता है। बता दें कि ये लीक हुए फीचर्स सही लगते हैं, क्योंकि भारत में इसकी कीमत 20,000 रुपये से कम रहने की उम्मीद है।

यह भी पढ़ें: 48MP कैमरा, A20 Pro चिप और Dynamic Island…iPhone 18 Pro के सभी बड़े फीचर्स लीक! जानें लॉन्च डेट

अल्फांसो आम की फसल को गर्मी ने दिया झटका, फिर भी रिकॉर्ड 34 देशों तक पहुंचा भारत का हापुस

Indian Alphonso Mango Crop: बेमौसम गर्मी और जलवायु परिवर्तन की मार के बावजूद भारतीय अल्फांसो आम (हापुस) ने ग्लोबल बाजार में अपनी मिठास का परचम लहराया है। महाराष्ट्र के कोंकण क्षेत्र में भीषण गर्मी और प्रतिकूल मौसम की वजह से अल्फांसो आम की पैदावार को भारी नुकसान हुआ लेकिन इसके बावजूद भारत ने चालू वित्त वर्ष में रिकॉर्ड 34 देशों तक हापुस आम का निर्यात करने में सफलता हासिल की है। वाणिज्य एवं उद्योग राज्य मंत्री जितिन प्रसाद ने 21 जुलाई को लोकसभा में एक लिखित उत्तर के दौरान ये जानकारी दी है।

कोंकण में बेमौसम गर्मी की मार और लॉजिस्टिक्स का संकट

राज्य मंत्री जितिन प्रसाद ने बताया कि महाराष्ट्र के कोंकण क्षेत्र, विशेष रूप से रत्नागिरी और सिंधुदुर्ग जिलों में अनियंत्रित और बेमौसम गर्मी और अनियमित जलवायु की वजह से अल्फांसो आम की फसल को काफी नुकसान पहुंचा है। इससे न सिर्फ उत्पादन प्रभावित हुआ बल्कि एक्सपोर्ट क्वॉलिटी वाले फलों की उपलब्धता पर भी असर पड़ा है। इसके अलावा निर्यातकों को कई अंतरराष्ट्रीय और लॉजिस्टिक चुनौतियों का भी सामना करना पड़ा। वेस्ट एशिया में जारी संकट की वजह से शिपमेंट में देरी हुई और बंदरगाहों पर भीड़ बढ़ गई। निर्यातकों को उच्च फ्रेट लागत, वॉर-रिस्क सरचार्ज और कंटेनरों की भारी किल्लत से जूझना पड़ा।

इसके बाद भी 24 से बढ़कर 34 देशों तक पहुंचा भारतीय हापुस

इन तमाम वैश्विक चुनौतियों, भाड़े में बढ़ोतरी और फसल के नुकसान के बावजूद भारत ने अल्फांसो आम के अंतरराष्ट्रीय बाजार का विस्तार जारी रखा है। वित्त वर्ष 2020-21 में जहां अल्फांसो आम सिर्फ 24 देशों में निर्यात होता था वहीं चालू वित्त वर्ष में यह दायरा बढ़कर 34 देशों तक पहुंच गया है। अमेरिका, बेल्जियम, संयुक्त अरब अमीरात, जर्मनी, आइसलैंड, सऊदी अरब, ऑस्ट्रेलिया और रूस सहित 15 से अधिक देशों में भारतीय आम को बढ़ावा देने के लिए प्रचार कार्यक्रमों का आयोजन किया गया।

जापान और नेपाल निर्यात पर सरकार का स्पष्टीकरण

निर्यात से जुड़े अन्य मुद्दों पर मंत्री ने स्थिति स्पष्ट करते हुए बताया। नेपाल को आम के निर्यात पर कोई प्रतिबंध नहीं है। नेपाल में जरूरी नियमों का पालन करते हुए आयात की अनुमति दी गई है। ‘नेशनल प्लांट प्रोटेक्शन ऑर्गनाइजेशन’ (NPPO) भारतीय निर्यात सुविधाओं के 2026 प्री-सीजन निरीक्षण के दौरान जापानी अधिकारियों द्वारा उठाए गए मुद्दों को हल करने के लिए लगातार उनके संपर्क में है।

प्रभावित निर्यातकों के लिए सरकार का राहत पैकेज

लॉजिस्टिक्स में आए व्यवधानों और माल भाड़े के बोझ से प्रभावित निर्यातकों को सहयोग देने के लिए केंद्र सरकार ने कई योजनाएं लागू की हैं। एक्सपोर्ट प्रमोशन मिशन के तहत सरकार ने RELIEF पहल शुरू की है। इसके जरिए भारतीय निर्यात ऋण गारंटी निगम के माध्यम से बीमाकृत निर्यातकों और पात्र MSMEs को सहायता दी जा रही है। ऐसा इसलिए ताकि उनके अतिरिक्त फ्रेट और बीमा बोझ को कम किया जा सके। वाणिज्य विभाग, एपीडा (APEDA) के माध्यम से अपनी वित्तीय सहायता योजना के तहत आम निर्यातकों को सहायता दे रहा है। इसका उद्देश्य एक्सपोर्ट इंफ्रास्ट्रक्चर, गुणवत्ता अनुपालन और बाजार विकास को मजबूत करना है।

यह भी पढ़ें: Kanwar Yatra 2026: मीट-शराब की दुकानें बंद, ड्रोन से होगी निगरानी… कांवड़ यात्रा को लेकर यूपी सरकार का मेगा प्लान, जानें- बड़ी बातें

जब टूट चुकी थीं पीवी सिंधु, तब विराट कोहली ने कही ऐसी बात जिसने बदल बदल दिया सब कुछ

कभी-कभी एक बातचीत पूरी जिंदगी बदल देती है।

पीवी सिंधु के लिए भी ऐसा ही हुआ। दो साल से ज्यादा समय तक ट्रॉफी का इंतजार, लगातार चोटें, पेरिस ओलंपिक में निराशा और आलोचनाओं के बीच सिंधु एक ऐसे मोड़ पर पहुंच गई थीं, जहां उन्हें सिर्फ एक सलाह नहीं, बल्कि एक नई सोच की जरूरत थी। यह नई दिशा उन्हें भारतीय क्रिकेट के दिग्गज विराट कोहली से मिली।

 

जापान ओपन 2026 का खिताब जीतने के बाद सिंधु ने खुलासा किया कि उनके करियर के सबसे मुश्किल दौर में विराट कोहली से हुई एक मुलाकात ने उन्हें फिर से अपने खेल से प्यार करना सिखाया।

जब पीवी सिंधु ने विराट कोहली को किया फोन…

 

लगातार चोटों और खराब प्रदर्शन से जूझ रहीं सिंधु मानसिक रूप से बेहद मुश्किल दौर से गुजर रही थीं। स्ट्रेस फ्रैक्चर के बाद वापसी आसान नहीं थी। पेरिस ओलंपिक में शुरुआती हार ने आत्मविश्वास को और झटका दिया। ऐसे समय में उन्होंने विराट कोहली को संदेश भेजा।

 

सिंधु ने बताया कि विराट ने कुछ ही मिनटों में जवाब दिया और अगले ही दिन बेंगलुरु में उनसे मुलाकात की। उनके साथ पति वेंकट दत्ता साई भी मौजूद थे, जिन्होंने पूरे कमबैक के दौरान उनका साथ दिया और नई सपोर्ट टीम तैयार करने में अहम भूमिका निभाई।

 

सिंधु ने कहा कि उस बातचीत की बातें वह कभी सार्वजनिक नहीं करेंगी, लेकिन विराट के हर शब्द ने उनकी सोच बदल दी।

 

 

 

विराट की सलाह: ट्रॉफी नहीं, खेल से प्यार करो

 

सिंधु को लगा था कि शायद उन्हें तकनीक, फिटनेस या रणनीति पर सलाह मिलेगी, लेकिन विराट कोहली ने बिल्कुल अलग बात कही। उन्होंने सिंधु से कहा कि ट्रॉफी के पीछे भागना छोड़ो और उस खुशी को दोबारा खोजो, जिसकी वजह से तुमने बैडमिंटन खेलना शुरू किया था। यही बात सिंधु के दिल को छू गई।

 

उन्होंने कहा कि अब वह सुबह 5:30 बजे सिर्फ मेडल या ट्रॉफी के लिए नहीं उठतीं, बल्कि इसलिए क्योंकि उन्हें फिर से अपने खेल से प्यार हो गया है।

PV Sindhu

 

सिर्फ मानसिक नहीं, खेल में भी आया बड़ा बदलाव

 

सिंधु की वापसी सिर्फ सोच बदलने तक सीमित नहीं रही। उन्होंने अपने खेल पर भी पूरी तरह काम किया।

 

कोच इरवांश्या, स्ट्रेंथ ट्रेनर वेन लोम्बार्ड और अपनी टीम के साथ उन्होंने फिटनेस पर मेहनत की। करीब 3.5 किलो वजन कम किया, नेट गेम बेहतर बनाया, लंबी रैलियों में धैर्य सीखा और सिर्फ स्मैश पर निर्भर रहने की बजाय ड्रॉप, हाफ स्मैश और क्लियर जैसे शॉट्स को हथियार बनाया।

 

अब उनकी तैयारी में डेटा एनालिटिक्स और एआई आधारित मॉनिटरिंग भी शामिल है, जिससे शरीर पर पड़ने वाले दबाव, रिकवरी और मूवमेंट का लगातार विश्लेषण किया जाता है।

 

जापान ओपन में इतिहास, सूखा भी खत्म

 

नई सोच और नई तैयारी का असर जापान ओपन के फाइनल में साफ दिखाई दिया।

 

सिंधु ने मेजबान जापान की स्टार खिलाड़ी अकाने यामागुची को 21-17, 21-17 से हराकर पहली बार जापान ओपन का खिताब अपने नाम किया।

 

इसके साथ ही वह:

 

  • जापान ओपन जीतने वाली पहली भारतीय शटलर बनीं।
  • BWF सुपर 750 खिताब जीतने वाली सबसे उम्रदराज महिला खिलाड़ी बनीं।
  • दो साल से ज्यादा समय से चला आ रहा उनका टाइटल सूखा भी खत्म हुआ।

 

फाइनल में कई बार यामागुची ने वापसी की कोशिश की, लेकिन इस बार सिंधु घबराईं नहीं। उन्होंने धैर्य और आत्मविश्वास के साथ मुकाबला खत्म किया

 

'अब जवाब देने की जरूरत नहीं, खुद पर भरोसा काफी है'

 

सिंधु ने कहा कि इस पूरे दौर में उन्होंने कभी खुद से यह नहीं पूछा कि उनका करियर खत्म हो गया है या नहीं। हालांकि चोटों के दौरान कई बार मन में सवाल जरूर आते थे कि क्या वह पहले जैसी वापसी कर पाएंगी।

 

लेकिन अब उनका विश्वास पहले से कहीं ज्यादा मजबूत है।

 

उनके शब्दों में, यह खिताब सिर्फ एक ट्रॉफी नहीं, बल्कि इस बात का सबूत है कि उनकी कहानी अभी खत्म नहीं हुई है।

 

जीत सिर्फ जापान ओपन की नहीं, खुद पर भरोसे की भी थी

पीवी सिंधु की यह वापसी सिर्फ एक बैडमिंटन खिलाड़ी की सफलता नहीं है। यह उस जज्बे की कहानी है, जिसमें चोटें थीं, आलोचनाएं थीं, निराशा थी, लेकिन हार मानने का विकल्प नहीं था।

 

विराट कोहली की एक साधारण-सी सलाह—“खेल में फिर से खुशी ढूंढो”—ने सिंधु को ट्रॉफी से पहले खुद से दोबारा मिलाया।

 

और शायद यही वजह है कि जापान ओपन की ट्रॉफी उनके हाथों में आने से पहले उनकी सबसे बड़ी जीत उनके भीतर हो चुकी थी।

रोहित शर्मा-विराट कोहली की पार्टनरशिप क्यों हैं खास? ‘हिटमैन’ ने खुद बताई इसकी वजह

टेस्ट और टी20 से रिटायरमेंट लेने के बाद विराट कोहली और रोहित शर्मा अब वनडे मैच में ही खेलते हैं। दोनों को साथ में मैदान पर खेलते हुए देखने के लिए फैंस काफी एक्साईटेड रहते हैं। वहीं रोहित शर्मा और विराट कोहली ने भारतीय क्रिकेट में लंबे समय तक साथ खेलते हुए कई यादगार पारियां खेली है। दोनों ने अपने खेल से दुनिया भर में खास पहचान बनाई और टीम इंडिया के सबसे सफल खिलाड़ियों में शामिल हुए। वहीं हाल ही में दोनों ने इंग्लैंड के खिलाफ लॉर्ड्स में खेले गए तीसरे मुकाबले में शानदार पारी खेली थी। वहीं हाल ही में पूर्व कप्तान रोहित शर्मा ने विराट कोहली के साथ अपनी पार्टनरशिप को लेकर बयान दिया है।

लॉर्ड्स में की शतकीय साझेदारी

रोहित शर्मा और विराट कोहली ने टेस्ट और टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट से लगभग एक ही समय पर संन्यास लिया था। अब दोनों सिर्फ वनडे क्रिकेट पर ध्यान दे रहे हैं। उनकी नजर भारत के लिए 2027 वनडे वर्ल्ड कप जीतने पर है। वनडे क्रिकेट में रोहित शर्मा और विराट कोहली के भविष्य को लेकर लगातार चर्चा हो रही है। इसके बावजूद दोनों मैदान पर साथ बल्लेबाजी करते हुए शानदार तालमेल दिखा रहे हैं। इंग्लैंड के खिलाफ लॉर्ड्स में खेले गए तीसरे वनडे में दोनों ने मिलकर 100 से ज्यादा रन की साझेदारी की, जो वनडे में उनकी 21वीं शतकीय साझेदारी रही।

रोहित ने बताया अपना एक्सपीरिएंस

रोहित शर्मा ने BCCI से कहा, “मैं और विराट अपने पूरे करियर में साथ खेले हैं। इसलिए उनका क्रीज पर मेरे साथ होना हमेशा अच्छा लगता है। हमने कई बड़ी पार्टनरशिप की हैं। उनके साथ बल्लेबाजी करने में काफी मजा आता है, क्योंकि हम एक-दूसरे को अच्छी तरह समझते हैं और लगातार अपने आइडिया शेयर करते रहते हैं।” इंग्लैंड के खिलाफ लॉर्ड्स वनडे में रोहित शर्मा ने शानदार 138 रन की पारी खेली, जबकि विराट कोहली ने 60 गेंदों में 74 रन बनाकर उनका अच्छा साथ दिया। रोहित लॉर्ड्स के मैदान पर वनडे शतक लगाने वाले पहले भारतीय बल्लेबाज भी बने।

इंग्लैंड में खेलना पसंद

रोहित शर्मा ने कहा, “मुझे इंग्लैंड में खेलना हमेशा पसंद रहा है। यहां का माहौल, मैदान और पिच हर बार अलग तरह की चुनौती देते हैं। चाहे कोई भी फॉर्मेट हो, यहां खेलते समय आपको खुद को हर बार साबित करना पड़ता है। एक क्रिकेटर के तौर पर आप ऐसी ही चुनौतियां चाहते हैं। मुझे मैदान पर बल्लेबाजी करते हुए काफी मजा आया।”

गेंदबाजों की किया बचाव

मुकाबले में टीम के गेंदबाजों को काफी संघर्ष करना पड़ा। रोहित शर्मा ने अपने गेंदबाजों का बचाव करते हुए कहा कि टीम में कई खिलाड़ी अभी वनडे क्रिकेट में नए हैं और उन्हें समय देने की जरूरत है। रोहित शर्मा ने कहा, “गेंदबाजी को लेकर यह समझना जरूरी है कि इन खिलाड़ियों ने अभी बहुत ज्यादा वनडे मैच नहीं खेले हैं। ऐसे में उन्हें समय देना होगा। हम इस मैच से सीख सकते हैं और अगली बार ऐसी स्थिति आने पर खुद को बेहतर बनाने की कोशिश करेंगे। सीरीज का नतीजा निराशाजनक रहा, क्योंकि हम मैच को अपने नाम नहीं कर सके। अब हमें इससे आगे बढ़ना होगा।” भारतीय टीम इंग्लैंड के खिलाफ तीन मैचों की वनडे सीरीज 1-2 से हार गई।

IND vs ZIM: टी20 वर्ल्ड कप जीतने के बाद पहली जीत की तलाश में भारत, आयरलैंड-इंग्लैंड के बाद जिम्बाब्वे भी करेगा बड़ा उलटफेर?

 

Bank Holiday Tomorrow: कल 22 जुलाई को इस राज्य में बंद रहेंगे बैंक! चेक करें अपने शहर का स्टेटस

Bank Holiday List 22 July 2026: अगर आप बुधवार यानी 22 जुलाई को अपने किसी जरूरी वित्तीय काम के लिए बैंक शाखा जाने का प्लान बना रहे हैं, तो यह खबर आपके लिए जरूरी है। घर से निकलने से पहले भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) द्वारा जारी की गई बैंक छुट्टियों की सूची जरूर चेक कर लें, ताकि आपको किसी भी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।

आरबीआई की आधिकारिक हॉलिडे लिस्ट के मुताबिक, 22 जुलाई को देश के एक खास शहर में बैंकों का अवकाश रहेगा। आइए जानते हैं कि कल कहां-कहां बैंक बंद रहेंगे और किन सेवाओं का आप बिना रुकावट लाभ उठा सकेंगे।

 22 जुलाई को कहां बंद रहेंगे बैंक?

कल यानी 22 जुलाई को अगरतला (त्रिपुरा) में सभी सरकारी और निजी बैंक बंद रहेंगे।

छुट्टी का कारण: अगरतला में यह अवकाश प्रसिद्ध ‘खर्ची पूजा’ (Kharchi Puja) के अवसर पर दिया गया है।

बाकी देश का हाल: अगरतला को छोड़कर दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, चेन्नई और लखनऊ समेत देश के अन्य सभी राज्यों और शहरों में बैंक शाखाएं सामान्य दिनों की तरह खुली रहेंगी।

क्या है खर्ची पूजा?

‘खर्ची पूजा’ त्रिपुरा का एक ऐतिहासिक और बेहद पवित्र हिंदू त्योहार है। यह वार्षिक उत्सव पुराने अगरतला स्थित ‘चतुर्दशा देवता मंदिर’ में बेहद धूमधाम से मनाया जाता है, जो लगातार सात दिनों तक चलता है।

22 जुलाई के बाद अगली बैंक छुट्टी कब है?

22 जुलाई के बाद इस हफ्ते देश भर में 25 जुलाई (शनिवार) को बैंक बंद रहेंगे। 25 जुलाई को महीने का चौथा शनिवार है। आरबीआई के नियमों के अनुसार, महीने के दूसरे और चौथे शनिवार को पूरे देश में बैंक बंद रहते हैं।

बैंक बंद रहने पर चालू रहेंगी ये सेवाएं

बैंक शाखाओं के बंद रहने के बावजूद ग्राहकों को ज्यादा परेशान होने की जरूरत नहीं है। डिजिटल युग में आप घर बैठे अपने वित्तीय काम निपटा सकते हैं। यूपीआई सेवाएं, नेट बैंकिंग और मोबाइल बैंकिंग चालू रहेंगी। एटीएम और कैश डिपॉजिट मशीनें कैश निकालने या जमा करने के लिए चालू रहेगी।

Top 10 Scooters : TVS iQube, Bajaj Chetak और Ather Rizta की रिकॉर्ड बढ़त, Honda Activa का दबदबा कायम

electic scooters

भारतीय स्कूटर बाजार में जून 2026 के दौरान शानदार तेजी देखने को मिली। इस महीने देश के टॉप-10 सबसे ज्यादा बिकने वाले स्कूटरों की कुल 6,36,315 यूनिट्स बिकीं, जो जून 2025 की 4,60,440 यूनिट्स की तुलना में 38% अधिक हैं। हालांकि बिक्री के मामले में Honda Activa ने एक बार फिर पहला स्थान बरकरार रखा, लेकिन इलेक्ट्रिक स्कूटरों की तेजी ने बाजार में नया मुकाबला खड़ा कर दिया है।

एक्सपर्ट्‍स के मुताबिक आने वाले एक-दो वर्षों में इलेक्ट्रिक स्कूटर पारंपरिक पेट्रोल स्कूटरों को कड़ी टक्कर दे सकते हैं। फिलहाल पेट्रोल स्कूटर भारतीय बाजार में सबसे ज्यादा बिक रहे हैं, लेकिन इलेक्ट्रिक स्कूटरों की वृद्धि दर कहीं अधिक तेज है। 

ALSO READ: Electric Scooter कैसे शहरी सफर को बना रहे हैं आसान, कौनसे फीचर्स लोगों को लुभा रहे हैं

Honda Activa रही नंबर-1

Honda Activa की जून 2026 में 2,18,932 यूनिट्स की बिक्री हुई, जो पिछले साल की तुलना में 19% अधिक है। टॉप-10 स्कूटरों की कुल बिक्री में अकेले Activa की हिस्सेदारी एक-तिहाई से ज्यादा रही। विशेषज्ञों के अनुसार Activa की लोकप्रियता के पीछे इसकी भरोसेमंद परफॉर्मेंस, बेहतर माइलेज, मजबूत रीसेल वैल्यू और Honda का व्यापक सर्विस नेटवर्क प्रमुख कारण हैं।

TVS Jupiter दूसरे नंबर पर

TVS Jupiter ने 1,36,805 यूनिट्स की बिक्री के साथ दूसरा स्थान हासिल किया। इसकी बिक्री में सालाना आधार पर 27% की बढ़ोतरी दर्ज की गई। वहीं Suzuki Access ने 63,121 यूनिट्स बेचकर तीसरा स्थान हासिल किया और इसकी बिक्री में 22 प्रतिशत की वृद्धि रही।

ALSO READ: Samsung Galaxy Unpacked 2026: 22 जुलाई को लॉन्च होंगे नए फोल्डेबल फोन और स्मार्टवॉच, Galaxy Z Fold8 सीरीज पर सबकी नजर

इलेक्ट्रिक स्कूटरों की शानदार छलांग

 

जून 2026 में सबसे बड़ी बढ़त TVS iQube ने दर्ज की। इसकी बिक्री 47,331 यूनिट्स रही, जो पिछले साल के मुकाबले 232 प्रतिशत अधिक है। इसके अलावा Bajaj Chetak की 40,376 यूनिट्स बिकीं और इसने 126 प्रतिशत की सालाना वृद्धि दर्ज की। एक्सपर्ट्‍स के मुताबिक नए मॉडल, बेहतर बैटरी तकनीक और इलेक्ट्रिक वाहनों के प्रति बढ़ते भरोसे से इन स्कूटरों की मांग लगातार बढ़ रही है।

ALSO READ: Electric scooter खरीदने से पहले जान लें कौन-सी बैटरी है सबसे बेहतर? रेंज, चार्जिंग और लाइफ में कितना फर्क और कैसे करें चेक

अन्य प्रमुख स्कूटरों का प्रदर्शन

TVS Ntorq – 37,762 यूनिट्स (65 प्रतिशत वृद्धि)

Ather Rizta – 24,742 यूनिट्स (97 प्रतिशत वृद्धि)

Yamaha Ray – 22,782 यूनिट्स (60 प्रतिशत वृद्धि)

Suzuki Burgman Street – 22,454 यूनिट्स (43 प्रतिशत वृद्धि)

Hero Destini 125 – 22,010 यूनिट्स (9 प्रतिशत वृद्धि) 

बारिश में कुछ टेस्टी खाने का है मन? ट्राई करें ये 5 मानसून स्पेशल रेसिपीज

The image caption features a message about monsoon special snack recipes, accompanied by a photo of plates arranged with Palak Patta Chaat, Dal Vada, Samosas, and Potato Tacos

Rainy Day Snacks: रिमझिम फुहारें और ठंडी हवाएं… मानसून का मौसम आते ही दिल कुछ गरमा-गरम और चटपटा खाने के लिए मचलने लगता है। इस मौसम में बालकनी में बैठकर बारिश को निहारते हुए अगर हाथ में स्नैक्स की प्लेट हो, तो मजा दोगुना हो जाता है। अगर आप भी इस बार पारंपरिक पकौड़ों से हटकर कुछ नया और बेहद लाजवाब ट्राई करना चाहते हैं, तो यहाँ 5 मानसून स्पेशल स्नैक्स रेसिपीज दी गई हैं:ALSO READ: बारिश के मौसम में चाय के साथ बनाएं ये 5 परफेक्ट कॉम्बिनेशन वाले क्रिस्पी स्नैक्स, हर कोई करेगा तारीफ

 

1. चटपटा 'पालक पत्ता चाट' 

बारिश में चाट खाने का अपना ही मजा है। यह स्नैक दिखने में जितना फैंसी है, बनाने में उतना ही आसान।

 

कैसे बनाएं: पालक के बड़े और साफ पत्तों को बेसन, अजवाइन और नमक के गाढ़े घोल में डुबोकर एकदम क्रिस्पी होने तक तल लें। अब इन कुरकुरे पत्तों को एक प्लेट में सजाएं। ऊपर से फेंटा हुआ मीठा दही, हरी चटनी, इमली की खट्टी-मीठी चटनी, चाट मसाला और नायलॉन सेव डालकर तुरंत सर्व करें।

 

2. गरमा-गरम 'दाल वड़ा' 

दक्षिण भारत का यह मशहूर स्नैक मानसून में कमाल का लगता है। यह ऊपर से बेहद कुरकुरा और अंदर से सॉफ्ट होता है।

 

कैसे तैयार करें: चना दाल को 3-4 घंटे भिगोकर बिना पानी के दरदरा पीस लें। अब इसमें बारीक कटा प्याज, हरी मिर्च, ढेर सारा कढ़ी पत्ता, अदरक और हींग मिलाएं। इस मिश्रण की छोटी-छोटी टिक्कियां बनाकर गरम तेल में सुनहरा होने तक डीप फ्राई करें। इसे नारियल की चटनी के साथ परोसें। चाय के साथ गरमा-गरम 'दाल वड़ा' का आनंद लें।

 

3. अचारी पनीर टिक्का समोसा

आलू समोसा तो हमेशा खाते हैं, इस बार बारिश में कुछ रॉयल ट्राई करें। समोसे के अंदर पनीर टिक्का की स्टफिंग हर बाइट में मजा ला देगी।

 

कैसे तैयार करें: पनीर के छोटे टुकड़ों को दही, तंदूरी मसाला, कसूरी मेथी और थोड़े से अचार के मसाले के साथ मैरीनेट करें और तवे पर हल्का सा टॉस कर लें। अब समोसे की पट्टी (शीट्स) में इस अचारी पनीर को भरकर समोसे का आकार दें और फ्राई करें। पुदीने की तीखी चटनी के साथ यह लाजवाब लगता है।

 

4. क्रिस्पी पोटैटो टाकोस

अगर बच्चों और बड़ों दोनों को खुश करना है, तो यह इंडो-मैक्सिकन फ्यूजन स्नैक बेस्ट है।

 

कैसे बनाएं: उबले हुए आलुओं में चाट मसाला, चिली फ्लेक्स, प्याज और हरा धनिया मिलाकर एक स्टफिंग तैयार करें। अब बची हुई रोटियों या मैदा की शीट पर इस स्टफिंग को फैलाएं, ऊपर से ढेर सारा चीज डालें और इसे आधे चांद के आकार में मोड़ लें। तवे पर मक्खन या तेल लगाकर इसे दोनों तरफ से एकदम क्रिस्पी होने तक सेकें।

 

5. मॉनसून स्पेशल 'चीज़ कॉर्न बॉल्स' 

बारिश और भुट्टे का रिश्ता बहुत पुराना है। इस बार भुट्टे को एक चीजी और क्रिस्पी ट्विस्ट दें।

 

कैसे तैयार करें: उबले हुए कॉर्न को थोड़ा दरदरा क्रश कर लें। इसमें उबला आलू, कद्दूकस किया हुआ मोजेरेला चीज, काली मिर्च और नमक मिलाएं। इसके छोटे-छोटे बॉल्स बनाएं, उन्हें कॉर्नफ्लोर के घोल में डुबोएं और फिर ब्रेड क्रम्ब्स में लपेटकर कुरकुरा होने तक तल लें।

 

स्मार्ट कुकिंग टिप: बारिश के मौसम में स्नैक्स को और भी क्रिस्पी बनाने के लिए बेसन या मैदे के घोल में 1 से 2 चम्मच चावल का आटा या गरम तेल जरूर मिलाएं। इससे स्नैक्स लंबे समय तक कुरकुरे रहते हैं।

 

अस्वीकरण (Disclaimer) : चिकित्सा, स्वास्थ्य संबंधी नुस्खे, योग, धर्म, ज्योतिष, इतिहास, पुराण आदि विषयों पर वेबदुनिया में प्रकाशित/प्रसारित वीडियो, आलेख एवं समाचार सिर्फ आपकी जानकारी के लिए हैं, जो विभिन्न सोर्स से लिए जाते हैं। इनसे संबंधित सत्यता की पुष्टि वेबदुनिया नहीं करता है। सेहत या ज्योतिष संबंधी किसी भी प्रयोग से पहले विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें। इस कंटेंट को जनरुचि को ध्यान में रखकर यहां प्रस्तुत किया गया है जिसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है।ALSO READ: Monsoon Special Recipes: मानसून की 5 बेहतरीन रेसिपीज, देखते ही मुंह में आ जाएगा पानी

Market Outlook : लगातार दूसरे दिन गिरावट के साथ बंद हुए इक्विटी इंडेक्स, जानिए 22 जुलाई को कैसी रह सकती है इनकी चाल

Market Outlook : 21 जुलाई को भारतीय इक्विटी इंडेक्स लगातार दूसरे दिन गिरावट के साथ बंद हुए और निफ्टी 24,200 के नीचे रहा। कारोबारी सेशन के अंत में सेंसेक्स 238.41 अंक या 0.31 प्रतिशत गिरकर 77,470.11 पर और निफ्टी 50.80 अंक या 0.21 प्रतिशत गिरकर 24,187.70 पर बंद हुआ। लगभग 2087 शेयरों में बढ़त हुई,1942 शेयरों में गिरावट आई और 180 शेयरों में कोई बदलाव नहीं हुआ।

निफ्टी पर गिरने वाले प्रमुख शेयरों में HDFC बैंक,TCS,रिलायंस इंडस्ट्रीज,SBI और डॉ.रेड्डीज़ लैब्स शामिल रहे। जबकि बढ़ने वाले शेयरों में श्रीराम फाइनेंस,बजाज फिनसर्व,HCL टेक्नोलॉजीज,आयशर मोटर्स और अल्ट्राटेक सीमेंट शामिल रहे। निफ्टी मिडकैप इंडेक्स 0.3% और स्मॉलकैप इंडेक्स 0.5% ऊपर बंद हुआ।

सेक्टर के हिसाब से देखें तो FMCG,IT,ऑयल एंड गैस और PSU बैंक में 0.3-0.8% की गिरावट आई। जबकि ऑटो,मेटल और रियल्टी सेक्टर में 0.6-1% की बढ़त हुई।

जियोजित इन्वेस्टमेंट्स के हेड ऑफ रिसर्च विनोद नायर का कहना है कि भू-राजनीतिक चुनौतियों के बावजूद,मज़बूत कॉर्पोरेट नतीजों की उम्मीद और मांग-आधारित बिजनेस अपडेट्स के कारण मिडकैप्स अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं। हालांकि लार्ज-कैप्स की तुलना में इस सेगमेंट का महंगा वैल्यूएशन सावधानी बरतने का संकेत देता है,लेकिन उम्मीद है कि इनकी बिजनेस की स्थिति कम से कम वित्त वर्ष 2027 की पहली छमाही तक अच्छी बनी रहेगी।

हालांकि,इस तेजी को बनाए रखने के लिए इनपुट कॉस्ट में हो रही बढ़ोतरी का थमना जरूरी है, क्योंकि वित्त वर्ष 2027 की दूसरी छमाही में मांग में बढ़ोतरी सुस्त पड़ सकती है।

फिलहाल,ब्रॉडर मार्केट में मिला-जुला कारोबार हो रहा जो भू-राजनीतिक जोखिमों और कच्चे तेल की ऊंची कीमतों के बीच कम होते निवेश के कारण लार्ज-कैप्स के कमजोर प्रदर्शन को दिखाता है।

निफ्टी व्यू

SBI सिक्योरिटीज के हेड-टेक्निकल और डेरिवेटिव्स रिसर्च, सुदीप शाह का कहना है कि लगातार दूसरे ट्रेडिंग सेशन में बेंचमार्क निफ्टी इंडेक्स 127 अंकों की सीमित रेंज में ही घूमता रहा। यह 10 जुलाई,2026 के बाद से इसकी सबसे छोटी डेली ट्रेडिंग रेंज रही। डेली चार्ट पर,इंडेक्स ने दोनों तरफ शैडो वाली एक छोटी बॉडी वाली कैंडल बनाई,जो मौजूदा लेवल पर अनिश्चितता और किसी स्पष्ट दिशा की कमी को दिखाती है।

आगे निफ्टी के लिए 24270-24300 का जोन तत्काल रेजिस्टेंस बना रहेगा। अगर यह लगातार इस रेजिस्टेंस बैंड के ऊपर बना रहता है तो शॉर्ट टर्म में मौजूदा पुलबैक 24450 के लेवल तक बढ़ सकता है। नीचे की तरफ,24100-24050 के जोन में स्थित 20-डे EMA एरिया तत्काल सपोर्ट का काम करेगा।

बोनान्जा में रिसर्च एनालिस्ट अभिनव तिवारी का कहना है कि आगे बाजार के एक दायरे में रहने और कुछ खास शेयरों पर फोकस्ड रहने की संभावना है। पहली तिमाही के नतीजे और मिडिल ईस्ट में हो रही गतिविधियां बाजार के सेंटीमेंट पर असर दिखाएंगी। जबकि कच्चे तेल की कीमतें एक अहम उतार-चढ़ाव वाला फैक्टर बनी रहेंगी।

मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेज के हेड ऑफ रिसर्च,वेल्थ मैनेजमेंट,सिद्धार्थ खेमका का कहना है कि वेस्ट एशिया में जारी जियोपॉलिटिकल तनाव,ब्रेंट क्रूड में तेजी,रुपए की कमजोरी, विदेशी संस्थागत निवेशकों की लगातार बिकवाली और मिले-जुले ग्लोबल संकेतों के बीच घरेलू इक्विटी बाजार के एक दायरे में ही रहने की उम्मीद है। हालांकि,पहली तिमाही के नतीजों के चलते कुछ खास शेयरों में हलचल देखने को मिल सकती है,लेकिन निवेशकों का मूड वेस्ट एशिया में हो रही घटनाओं और कच्चे तेल की चाल से प्रभावित होता रहेगा।

ग्लोब कैपिटल मार्केट में AVP-रिसर्च,विपिन कुमार का कहना है कि जुलाई में अब तक निफ्टी 24,530–23,800 के सीमित दायरे में ही घूमता रहा है। इस रेंज के अंदर,इंडेक्स अपने 50 डे EMA (24,000) और 200 डे EMA (24,430) के बीच बना हुआ है।

उनका मानना ​​है कि अगर यह 24,430 के ऊपर जाता है,तो यह जुलाई की कंसोलिडेशन रेंज के ऊपरी छोर (24,530–24,600 जोन) तक पहुंच सकता है। वहीं,अगर यह 24,000 से नीचे गिरता है,तो यह वापस 23,800 के लेवल पर आ सकता है। 23,800–24,600 के ऊपर की टिकाऊ बढ़त के लिए एक मजबूत ब्रेक की जरूरत है।

दिग्गज निवेशक आशीष कचोलिया का पसंदीदा यह SME स्टॉक दो दिनों में 40% टूटा, क्या है आपके पास?

बैंक निफ्टी व्यू

LKP सिक्योरिटीज के टेक्निकल एनालिस्ट वत्सल भुवा का कहना है कि बैंक निफ्टी में रेजिस्टेंस जोन के पास बिकवाली का दबाव देखा गया, जिससे इंडेक्स 57,300–58,500 की बड़ी कंसोलिडेशन रेंज में बना रहा। इंडेक्स अपने मीडियम और लॉन्ग-टर्म मूविंग एवरेज से ऊपर ट्रेड कर रहा है,जो बताता है कि बड़ा ट्रेंड पॉजिटिव है। हालांकि,आगे और खरीदारी न होने से शॉर्ट-टर्म में अनिश्चितता का संकेत मिलता है।

बैंक निफ्टी के लिए इमीडिएट सपोर्ट 57,500–57,300 जोन में है,जबकि रेजिस्टेंस 58,500 के आसपास दिख रहा है। RSI न्यूट्रल जोन के पास फ्लैट बना हुआ है,जो मोमेंटम में कमजोरी दिखाता है। जब तक कोई निर्णायक ब्रेकआउट या ब्रेकडाउन नहीं होता, ट्रेडर्स को सपोर्ट के पास गिरावट पर खरीदारी और रेजिस्टेंस के पास प्रॉफिट बुक करने की रणनीति अपनानी चाहिए।

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।