महिला टीम की दिग्गज ऑलराउंडर ने लिया संन्यास, खेले ODI और T20I विश्वकप फाइनल

पूनम राउत ने गुरुवार को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास की घोषणा की। इसके साथ ही उनके एक दशक से अधिक लंबे करियर का समापन हो गया। दाएं हाथ की बल्लेबाज राउत ने 2009 में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण किया था और उन्होंने भारत के लिए अपना आखिरी मैच 2021 में खेला था।

राउत ने 73 वनडे मैचों में 2299 रन, 35 टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों में 719 रन और भारत के लिए खेले गए चार टेस्ट मैचों में 264 रन बनाए। उन्होंने कुल चार अंतरराष्ट्रीय शतक लगाए – तीन वनडे में और एक 2014 में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ टेस्ट मैच में। इसके अलावा, उन्होंने वनडे में 15 और टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों में चार अर्धशतक भी जड़े। उनका आखिरी अंतरराष्ट्रीय मैच जून 2021 में इंग्लैंड के खिलाफ एक वनडे था।

राउत का सबसे बेहतरीन प्रदर्शन 2017 महिला विश्व कप के दौरान देखने को मिला, जहां उन्होंने कुल 381 रन बनाए। इसमें लॉर्ड्स में इंग्लैंड के खिलाफ फाइनल में खेली गई 86 रनों की पारी भी शामिल थी, हालांकि उस मैच में भारत को नौ रनों से हार का सामना करना पड़ा था। उसी टूर्नामेंट में, उन्होंने आयरलैंड के खिलाफ 109 रन बनाए और दीप्ति शर्मा के साथ मिलकर 320 रनों की रिकॉर्ड ओपनिंग साझेदारी की।

2021 में, वह ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ भारत के ऐतिहासिक पिंक-बॉल टेस्ट का हिस्सा थीं। उन्होंने पहली पारी में 36 रन बनाए। इस मैच में, अंपायर द्वारा ‘नॉट आउट’ दिए जाने के बावजूद, गेंद बल्ले के किनारे से लगने पर उन्होंने खुद ही मैदान से बाहर जाना स्वीकार किया, जिसके लिए उनकी काफी तारीफ हुई।

इंस्टाग्राम पर अपने संन्यास की घोषणा करते हुए, राउत ने अपने सफर को याद किया। “मुंबई की सड़कों से लेकर भारतीय जर्सी पहनने तक का यह सफर किसी वरदान से कम नहीं रहा। यह एक ऐसा सफर था जिसमें कई त्याग, संघर्ष, कभी न भूलने वाली जीतें, कड़े सबक और ऐसे पल शामिल रहे, जिन्हें मैं जीवन भर संजोकर रखूंगी।”
उन्होंने आगे कहा, ”भारत का प्रतिनिधित्व करना सिर्फ एक सपना पूरा होने जैसा नहीं था; यह एक ऐसा सौभाग्य था जिसे मैंने बहुत गर्व के साथ निभाया। अपने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट करियर के इस अध्याय को समाप्त करते समय, मेरा दिल उन सभी लोगों के प्रति कृतज्ञता से भरा है जिन्होंने मुझ पर विश्वास किया, मेरा साथ दिया और मेरे सफर का हिस्सा बने। क्रिकेट ने मुझे सिर्फ एक करियर ही नहीं दिया, बल्कि मुझे एक मकसद, एक पहचान और एक परिवार भी दिया।”

अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के बाद के जीवन के बारे में बात करते हुए, राउत ने कहा कि वह उस खेल को कुछ वापस देना चाहती हैं जिसने उनके जीवन को संवारा है। “हो सकता है कि मेरे अंदर का खिलाड़ी अब खेल से दूर हो जाए, लेकिन इस खेल के लिए मेरा प्यार कभी रिटायर नहीं होगा। मेरी अगली पारी उस खेल को कुछ वापस देने की है, जिसने मुझे सब कुछ दिया है।”

आगरकर के लिए टीम सर्वोपरि, इतिहास योगदान याद रखेगा, गंभीर ने किया ट्वीट

अजीत आगरकर का कार्यकाल समाप्त हो चुका है और न्यूजीलैंड दौरे की टी-20 सीरीज के लिए भारतीय टीम की घोषणा हो चुकी है। ऐसे में मुख्य कोच गौतम गंभीर ने एक ट्वीट लिखकर अजीत आगरकर और उनकी उपलब्धियों को गिनाते हुए एक ट्वीट किया है।

गंभीर ने पोस्ट किया, ‘‘प्रिय अजीत भाई, आपके साथ काम करना मेरे लिए बेहद सम्मान की बात रही। तीन आईसीसी ट्रॉफियां आपके भरोसे की गवाही देती हैं जिसमें हमेशा टीम को सर्वोपरि रखा गया। मुझे कहना होगा कि इतिहास आपके योगदान को याद रखेगा। हर चीज के लिए धन्यवाद। आपके भविष्य के प्रयासों के लिए मेरी हार्दिक शुभकामनाएं। ’’

कड़े फैसले लेने के लिए बने थे मुख्य चयनकर्ता

अजीत आगरकर के कार्यकाल ने भारत ने साल 2024 और 2026 का टी-20 विश्वकप और साल 2025 की चैंपियन्स ट्रॉफी जीती। बोर्ड ने उनको कड़े फैसले लेने के लिए भेजा था। अजीत आगरकर ने टी-20 विश्वकप  2024 में रोहित और विराट को शामिल कर पहले ही संदेश दे दिया था कि यह विश्वकप उनका आखिरी है। दोनों ने यह बात मान भी ली थी।

वहीं टेस्ट क्रिकेट में दोनों का फॉर्म खराब हो गया और दोनों को संन्यास लेना पड़ा। अजीत आगरकर की यहां भी जीत हुई। लेकिन जब उन्होंने कहा कि एकदिवसीय विश्वकप के लिए रोहित शर्मा और विराट कोहली अनिर्णित है तब से चयनकर्ताओं और खिलाड़ियों में रस्साकशी शुरु हो गई और अंत में अजीत आगरकर की हार हुई। उन्होंने टी-20 विश्वकप विजेता सूर्यकुमार यादव को भी टूर्नामेंट जीतने के तुरंत बाद बाहर का रास्ता दिखा दिया था।

भारत की ओर से 26 टेस्ट और 191 एकदिवसीय मैच खेलने वाले आगरकर ने लाल गेंद की क्रिकेट में 58 और सीमित ओवर की क्रिकेट में 288 विकेट लिए। उन्होंने टीम के लिए दो विश्वकप भी खेले। उनके नाम लॉर्ड्स के मैदान पर एक टेस्ट शतक और लंबे समय तक सबसे सीमित ओवर की क्रिकेट में तेज पजास रन और पचास विकेट का रिकॉर्ड भी उनके नाम रहा।

रोहित से खतरा टला नहीं, प्रज्ञान ओझा चुनेंगें न्यूजीलैंड दौरे के लिए टीम

22 अक्टूबर से शुरु होने वाले न्यूजीलैंड दौरे के लिए जल्द ही टीम का एलान हो सकता है। अजीत आगरकर का कार्यकाल समाप्त हो गया है ऐसे में प्रज्ञान ओझा बतौर अंतिरम मुख्य चयनकर्ता न्यूजीलैंड दौरे के लिए टीम चुन सकते हैं। गौरतलब है कि  प्रज्ञान ओझा भारतीय क्रिकेट के हित में निर्णय लेने के लिए जाने जाते हैं। ईशान किशन को टी-20 विश्वकप टीम में रखने का निर्णय भी उनका ही था।

ऐसे में यह रोहित शर्मा के लिए सही संकेत नहीं है भले ही उन्होंने घरेलू पिच पर दसवीं रैंक की टीम वेस्टइंडीज के खिलाफ 101 और 92 रनों की पारी ही क्यों ना खेल दी हो। प्रज्ञान ओझा अजीत आगरकर के करीबी भी रहे हैं और माना जा रहा था कि लॉर्ड्स एकदिवसीय मैच से पहले रोहित शर्मा के संन्यास पर प्रज्ञान ओझा की सहमति थी। ऐसे में क्या प्रज्ञान ओझा रोहित शर्मा को ड्रॉप करने की हिम्मत दिखाएंगे यह 48 घंटों में पता चल जाएगा।

प्रज्ञान ओझा की अगुआई वाली चार सदस्यीय समिति को भारत ए के न्यूजीलैंड के ‘शैडो टूर’ के लिए भी टीम का चयन करना है जिसमें वे 19 नवंबर से शुरू होने वाले दो डब्ल्यूटीसी मैचों की तैयारी के अंतर्गत तीन ‘अनौपचारक टेस्ट’ खेलेंगे।इनके बीच में पांच वनडे मैच भी हैं जो अगले साल के 50 ओवर के विश्व कप की तैयारियों का बड़ा हिस्सा हैं।

3 मैचों में 2 शतक मार चुके यशस्वी जायसवाल का करियर शुरु होने से पहले खत्म होता दिख रहा है क्योंकि उनकी जगह 39 वर्षीय पूर्व कप्तान खेलना चाहता है। ऐसे में प्रज्ञान ओझा क्या स्टार कलचर और भारतीय क्रिकेट बोर्ड के अंदर तक रोहित शर्मा की पीआर मशीनरी की गही पैठ का सामना कर पाएंगे यह देखने वाली बात होगी।

2027 एकदिवसीय विश्व कप का सवाल टाल गए रोहित शर्मा

 भारत के स्टार क्रिकेटर रोहित शर्मा ने अगले साल होने वाले वनडे विश्व कप में खेलने की संभावना के बारे में पूछे जाने पर कहा कि अक्टूबर 2027 अभी बहुत दूर है। एक कार्यक्रम के दौरान पूर्व कप्तान ने एक पंक्ति में जवाब दिया। टी20 अंतरराष्ट्रीय और टेस्ट क्रिकेट में नहीं खेलने के कारण रोहित के वनडे प्रारूप में भविष्य को लेकर अटकलें लगाई जा रहे हैं।

रोहित ने कार्यक्रम के दौरान एक सवाल के जवाब में कहा, ‘‘ अक्टूबर 2027 अभी बहुत दूर है, तब देखेंगे।’’वनडे विश्व कप 2027 की सह-मेजबानी दक्षिण अफ्रीका, जिम्बाब्वे और नामीबिया करेंगे।’भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआई) के सचिव देवजीत सैकिया ने कुछ दिन पहले स्पष्ट कर दिया था कि रोहित को लेकर अटकलों की कोई गुंजाइश नहीं है क्योंकि वह अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं।

एकदिवसीय में आधे साल तक संघर्ष करते रहे रोहित शर्मा

गौरतलब है कि रोहित शर्मा खराब फॉर्म से जूझ रहे थे और इंग्लैंड के पहले दो एकदिवसीय मैच में फ्लॉप रहे थे। जिसके बाद उनकी संन्यास की अटकलें लगनी शुरु हो गई थी। हालांकि उन्होंने बेहतरीन पारी खेली। रोहित शर्मा ने 110 गेंदो में 138 रन बनाए। उन्हें जैकब बैथल ने बोल्ड किया।

रोहित शर्मा ने इंग्लैंड के खिलाफ पहले एकदविसीय मैच में 21 गेंदो में 11 रन बनाए थे।  दूसरे एकदिवसीय मैच में 47 गेंद में 1 चौका और छक्का मारने के बाद 26 रन बनाकर आउट हुए। उनका 5 रनों पर गस एटिंकसन ने कैच छोड़ा था।

अफगानिस्तान के खिलाफ तीसरे एकदिवसीय मैच को छोड़ दे तो इस साल रोहित का प्रदर्शन औसत से नीचे रहा है।पहले मैच में वह 16 रन बनाकर रनआउट हो गए और दूसरे मैच में वह 39 गेंदों में 48 रन बनाकर बोल्ड हो गए।

इससे पहले न्यूजीलैंड के खिलाफ पहली एकदिवसीय सीरीज में रोहित शर्मा फ्लॉप रहे और टीम को शुरुआत में बड़ा स्कोर नहीं दे सके। रोहित शर्मा 3 मैचों में 20 की औसत से 61 रन बना पाए। पूरी सीरीज में उन्होंने 9 चौके और 2 छक्के लगाए।पहले मैच में उन्होंने 29 गेंदो पर 26 रन, दूसरे मैच में उन्होंने 38 गेंदो में 24 रन और तीसरे मैच में 13 गेंदो में 11 रन बनाए।

युजवेंद्र चहल: एक प्रतिभा जो बिना कुछ खास उपलब्धि के क्रिकेट करियर की संघ्यावेला में पहुंचे

लेग स्पिनर युजवेंद्र चहल 228 प्लस विकेटों के साथ इंडियन प्रीमियर लीग के सबसे सफल गेंदबाज हैं। वहं लंबे समय तक इस प्रारुप में भारत के भी सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज थे। लेकिन भारत का साल 2013 से 2023 तक का 10 साल का आईसीसी ट्रॉफी का सूखा ऐसा रहा कि वह अपने करियर में कुछ खास उपलब्धि लेकर नहीं जा पाए।

कहने को तो युजवेंद्र चहल टी-20 विश्वकप 2024 की विजेता टीम का हिस्सा थे लेकिन उस विश्वकप में उनको एक भी बार अंतिम ग्यारह में मौका नहीं मिला। कुछ ऐसे ही पिछले टी-20 विश्वकप गुजरे। इससे पिछले दो विश्व कप (T20I 2016- 2021) में से चहल एक में टीम का हिस्सा नहीं थे जबकि 2022 टी20 विश्व कप में टीम में होने के बाद भी उन्हें एक भी मैच में खेलने का मौका नहीं मिला।वहीं एकदिवसीय विश्वकप 2019 में जब वह टीम में थे तो टीम सेमीफाइनल में हार गई।

2016 में अपने सफेद गेंद क्रिकेट की शुरुआत करने वाले 33 वर्षीय युजवेंद्र चहल ने 72 वनडे मैच खेले हैं। 27.1 की औसत और 5.26 की इकॉनोमी के साथ उन्होंने 121 विकेट चटकाए। उनका सर्वश्रेष्ठ प्रदरेशन 42 रनों पर 6 विकेट लेना रहा। चहल ने 2022 की शुरुआत के बाद से 50 ओवर के प्रारूप में 16 मैचों में 24 विकेट लिए हैं। जनवरी 2023 में वह आखिरी बार न्यूजीलैंड के खिलाफ इंदौर में इस प्रारुप में देखे गए थे।

टी-20 अंतरराष्ट्रीय में चहल सबसे सफल गेंदबाज

वहीं टी-20 अंतरराष्ट्रीय की बात करें तो युजवेंद्र चहल ने अपना आखिरी टी-20 अंतरराष्ट्रीय मैच वेस्टइंडीज के खिलाफ अगस्त 2023 में खेला था। यह सीरीज भारत 2-3 से हारा था।युजवेंद्र चहल ने 80 मैचों में 25.1 की औसत और 8.19 की इकॉनोमी से 96 विेकेट चटकाए हैं।इस प्रारुप में उनसे ज्यादा विकेट हार्दिक पांड्या, जसप्रीत बुमराह और अर्शदीप सिंह ने ही लिए हैं, वह भी इस कारण क्योंकि वह लगातार यह प्रारुप खेल रहे हैं और युजवेंद्र चहल लंबे समय से इस प्रारुप से बाहर हैं।

हाल ही में उन्होंने अपने फर्स्ट-क्लास करियर को अलविदा कह दिया है। इसके साथ ही भारत के लिए टेस्ट क्रिकेट खेलने का उनका सपना तो खत्म हो गया है, व्हाइट-बॉल क्रिकेट में राष्ट्रीय टीम में वापसी के रास्ते तो खुले हैं। लेकिन 36 साल के स्पिनर को एशियाई खेलों तक में जगह नहीं मिली।

चहल ने कहा“मैंने अभी हार नहीं मानी है। देश के लिए खेलने की भूख अभी भी मुझमें बहुत ज़्यादा है। मेरा मानना है कि मुझमें अभी भी क्रिकेट बाकी है, और मैं वनडे और टी 20 फ़ॉर्मेट में एक और मौका पाने के लिए अपनी पूरी जान लगा दूँगा।हरियाणा क्रिकेट एसोसिएशन, रणबीर सिंह महिंद्रा सर और अनिरुद्ध सिंह चौधरी सर का मेरे सफ़र के दौरान लगातार समर्थन, भरोसा और विश्वास बनाए रखने के लिए खास तौर पर शुक्रिया। उन्होंने अपनी बात खत्म करते हुए कहा, “10 साल की उम्र में पहली बार रेड बॉल पकड़ने से लेकर अपना आखिरी फर्स्ट-क्लास मैच खेलने तक, यह एक शानदार सफ़र रहा है।”

टेस्ट टीम में जगह बनाने के करीब नहीं पहुँच पाए

युजवेंद्र चहल ने अपने फर्स्ट-क्लास करियर को अलविदा कह दिया है।वे कभी भी टेस्ट टीम में जगह बनाने के करीब नहीं पहुँच पाए, क्योंकि भारत के पास रविचंद्रन अश्विन और रवींद्र जडेजा की स्टार जोड़ी हमेशा मौजूद रही।

चहल ने इंस्टाग्राम पोस्ट में कहा, “मेरे लिए रेड-बॉल क्रिकेट कभी भी सिर्फ़ एक और फ़ॉर्मेट नहीं था।” “इसी फ़ॉर्मेट में मैंने धैर्य, चरित्र, मज़बूती और घंटों तक मैदान पर डटे रहकर हर रन और हर विकेट के लिए संघर्ष करने की असली खुशी को समझा।” चहल के फर्स्ट-क्लास करियर की शुरुआत 2009 में हरियाणा के साथ हुई थी और उन्होंने 49 मैचों में 32.27 के औसत से 148 विकेट लिए। उन्होंने 2026 का काउंटी चैंपियनशिप नॉर्थम्प्टनशायर के साथ खेला, जिसमें डिवीज़न टू में 16.14 के औसत से 21 विकेट लिए। उनका आखिरी फर्स्ट-क्लास मैच मिडलसेक्स के खिलाफ़ था, जिसमें मिडलसेक्स ने सात विकेट से जीत हासिल की और नॉर्थम्प्टनशायर के प्रमोशन की उम्मीदों को खत्म कर दिया। “मैंने अपना आखिरी फर्स्ट-क्लास मैच लॉर्ड्स में खेला था। ये शब्द कहना भावुक कर देने वाला है क्योंकि टेस्ट कैप पहनना हमेशा से मेरा सपना रहा है, जिसे मैंने कई सालों तक संजोकर रखा। भले ही वह सपना पूरा नहीं हो पाया, लेकिन मैं अपने अब तक के सफ़र से सचमुच संतुष्ट हूँ और इस फ़ॉर्मेट में मिले हर मौके के लिए बहुत आभारी हूँ।”

इंडीज के खिलाफ रोहित शर्मा के बल्लेबाजी क्रम पर नजर, क्या रहेगी अंतिम ग्यारह

INDvsWI वेस्टइंडीज के खिलाफ रविवार से शुरू होने वाली तीन एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैचों की श्रृंखला में फिर से आकर्षण का केंद्र रोहित शर्मा होंगें।रोहित ने इंग्लैंड के खिलाफ़ लॉर्ड्स में तूफानी शतक लगाकर अपने भविष्य को लेकर चल रही अटकलों पर कुछ समय के लिए विराम लगा दिया। रोहित इस बात से अच्छी तरह से वाकिफ होंगे कि वह अपनी लय बनाए रखें और कुछ और बड़ी पारियां खेलें, क्योंकि उन्हें पता होगा कि असफल होने पर उन पर आलोचक हावी हो जाएंगे।   

इसके विपरीत विराट कोहली की स्थिति अधिक मजबूत है। वह सचिन तेंदुलकर के बाद वनडे में 15000 रन बनाने वाले दूसरे बल्लेबाज बनने के लिए 51 रन पीछे हैं।कोहली और रोहित दोनों ने शुक्रवार शाम को यहां नेट पर जिस तरह से करीब 20 मिनट तक बल्लेबाजी की, उससे उनकी ललक का पता चलता है

भारत को यह तय करना होगा यशस्वी जायसवाल जैसे खिलाड़ी को 50 ओवर के प्रारूप में बनाए रखा जाए या नहीं। कोहली के चोटिल हो जाने के कारण जायसवाल ने अफगानिस्तान के खिलाफ तीन मैच खेले। इस वजह से कप्तान शुभमन गिल को तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी करनी पड़ी।
लेकिन इंग्लैंड के खिलाफ वनडे श्रृंखला में कोहली की वापसी के बाद गिल ने के फिर से पारी का आगाज किया।

टीम प्रबंधन इस पर गंभीरता से विचार करेगा कि क्या जायसवाल को पहले मैच से ही रोहित के साथ फिर से पारी का आगाज करने का मौका दिया जाए या रोहित-गिल की जोड़ी को ही बरकरार रखा जाए।अभ्यास सत्र में रोहित ने राहुल के साथ बल्लेबाजी की थी तो इसके संकेत मिले थे कि रोहित का क्रम बदल सकता है।

युवा खिलाड़ियों में गुरनूर बराड़ और औकिब नबी जैसे तेज गेंदबाज भी शामिल हैं जिन्होंने हाल ही में विभिन्न मैचों में प्रभावशाली प्रदर्शन किया है। लेकिन इन दोनों के पास पर्याप्त अनुभव नहीं है।हार्दिक पंड्या चोटिल होने के कारण इस श्रृंखला से बाहर हो गए हैं और ऐसे में नीतीश कुमार रेड्डी की जिम्मेदारी बढ़ गई है। उन्होंने बल्लेबाजी में अच्छा प्रदर्शन किया है लेकिन उनकी गेंदबाजी में सुधार की गुंजाइश है।

वेस्टइंडीज की बात करें तो वह हाल ही में श्रीलंका के खिलाफ घरेलू सीरीज हार कर आ रहे हैं। टीम की वित्तीय हालत पहले से ज्यादा खराब है और 25 फीसदी मैच फीस काटी गई है। ऐसे में टीम में कोई बड़ा नाम नहीं दिखता। शाई होप और शेरफेन रदरफोर्ड को ही बल्लेबाजी संभालनी होगी। तेज गेंदबाजी क्रम में अल्जारी जोसेफ, शमर जोसेफ, और जेडन सील्स अनुभवी हैं।

टीम इस प्रकार हैं:

भारत: शुभमन गिल (कप्तान), रोहित शर्मा, विराट कोहली, रुतुराज गायकवाड़, केएल राहुल (उपकप्तान), ध्रुव जुरेल, नितीश कुमार रेड्डी, रविंद्र जड़ेजा, कुलदीप यादव, प्रसिद्ध कृष्णा, गुरनूर बराड़, मोहम्मद सिराज, औकिब नबी, यशस्वी जयसवाल, नमन धीर।

वेस्ट इंडीज: शाई होप (कप्तान), ज्वेल एंड्रयू, जॉन कैंपबेल, कीसी कार्टि, रोस्टन चेस, मैथ्यू फोर्डे, जस्टिन ग्रीव्स, आमिर जांगू, अल्जारी जोसेफ, शमर जोसेफ, विटेल लॉज़, गुडाकेश मोती, कीमो पॉल, शेरफेन रदरफोर्ड, जेडन सील्स।

मैच का समय – दोपहर 2 बजे

कहां देखें – स्टार स्पोर्ट्स नेटवर्क या जियो हॉटस्टार पर

बतौर टीवी होस्ट रोहित शर्मा का शानदार डेब्यू, IMDB में मिली 9.6 रेटिंग

रोहित शर्मा ने आते साथ ही टेलीविजन इंडस्ट्री में तहलका मचा दिया है। 19 सितंबर से शुरु हुए Family Full House with Rohit Sharma के अभी सिर्फ 2 ही एपिसोड आए हैं लेकिन आईएमडीबी पर इसको 9.6 IMDB की रेटिंग मिल चुकी है। गौरतलब है कि पहले एपिसोड में श्रेयस अय्यर, शार्दूल ठाकुर, अभिषेक नायर और कुनाल खेमू ने शिरकत की थी तो दूसरे एपिसोड में वन फिल्म के सिद्दार्थ मल्होत्रा और तमन्ना भाटिया मौजूद थे।

Family Full House with Rohit Sharma मशूहर अमेरिकी शो द फैमिली फ्यूड(The Family Feud) का भारतीय संस्करण है और इसके 40 एपिसोड रोहित शर्मा को शूट करने हैं।इस अमेरिकी शो में मशहूर होस्ट स्टीव हार्वे की भूमिका रोहित शर्मा निभा रहे हैं।

2027 एकदिवसीय विश्व कप का सवाल टाल गए रोहित शर्मा

 भारत के स्टार क्रिकेटर रोहित शर्मा ने अगले साल होने वाले वनडे विश्व कप में खेलने की संभावना के बारे में पूछे जाने पर गुरुवार को कहा कि अक्टूबर 2027 अभी बहुत दूर है। एक कार्यक्रम के दौरान पूर्व कप्तान ने एक पंक्ति में जवाब दिया। टी20 अंतरराष्ट्रीय और टेस्ट क्रिकेट में नहीं खेलने के कारण रोहित के वनडे प्रारूप में भविष्य को लेकर अटकलें लगाई जा रहे हैं।

रोहित ने कार्यक्रम के दौरान एक सवाल के जवाब में कहा, ‘‘ अक्टूबर 2027 अभी बहुत दूर है, तब देखेंगे।’’वनडे विश्व कप 2027 की सह-मेजबानी दक्षिण अफ्रीका, जिम्बाब्वे और नामीबिया करेंगे।’भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआई) के सचिव देवजीत सैकिया ने कुछ दिन पहले स्पष्ट कर दिया था कि रोहित को लेकर अटकलों की कोई गुंजाइश नहीं है क्योंकि वह अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं।

साल भर रहा बुरा फॉर्म, लॉर्ड्स पर मिली संजीवनी

गौरतलब है कि रोहित शर्मा खराब फॉर्म से जूझ रहे थे और इंग्लैंड के पहले दो एकदिवसीय मैच में फ्लॉप रहे थे। जिसके बाद उनकी संन्यास की अटकलें लगनी शुरु हो गई थी। हालांकि उन्होंने बेहतरीन पारी खेली। रोहित शर्मा ने 110 गेंदो में 138 रन बनाए। उन्हें जैकब बैथल ने बोल्ड किया।

रोहित शर्मा ने इंग्लैंड के खिलाफ पहले एकदविसीय मैच में 21 गेंदो में 11 रन बनाए थे।  दूसरे एकदिवसीय मैच में 47 गेंद में 1 चौका और छक्का मारने के बाद 26 रन बनाकर आउट हुए। उनका 5 रनों पर गस एटिंकसन ने कैच छोड़ा था।

अफगानिस्तान के खिलाफ तीसरे एकदिवसीय मैच को छोड़ दे तो इस साल रोहित का प्रदर्शन औसत से नीचे रहा है।पहले मैच में वह 16 रन बनाकर रनआउट हो गए और दूसरे मैच में वह 39 गेंदों में 48 रन बनाकर बोल्ड हो गए।

इससे पहले न्यूजीलैंड के खिलाफ पहली एकदिवसीय सीरीज में रोहित शर्मा फ्लॉप रहे और टीम को शुरुआत में बड़ा स्कोर नहीं दे सके। रोहित शर्मा 3 मैचों में 20 की औसत से 61 रन बना पाए। पूरी सीरीज में उन्होंने 9 चौके और 2 छक्के लगाए।पहले मैच में उन्होंने 29 गेंदो पर 26 रन, दूसरे मैच में उन्होंने 38 गेंदो में 24 रन और तीसरे मैच में 13 गेंदो में 11 रन बनाए।

Rohit Sharma: रोहित शर्मा को टीम से निकालने की अगरकर ने कर ली थी पूरी तैयारी? फिर कहां पलटा खेल, जानें इनसाइड स्टोरी

टीम इंडिया के चीफ सेलेक्टर अजीत अगरकर बीसीसीआई का कार्यकाल 4 अक्टूबर को खत्म हो रहा है। बीसीसीआई अजीत अगरकर का कार्यकाल बढ़ाएगी या नहीं, इस पर अभी कोई आधिकारिक जानकारी नहीं है। वहीं खबर है कि अगरकर ने मुख्य चयनकर्ता पद छोड़ने का फैसला किया है। रिपोर्ट के मुताबिक, भारतीय क्रिकेट बोर्ड से जाने वाले पुरुष टीम के चीफ सेलेक्टर अजीत अगरकर बोर्ड से नाराज थे। बताया जा रहा कि सचिव देवजीत सैकिया ने बल्लेबाज रोहित शर्मा का खुलकर समर्थन किया था, जिसके बाद अगरकर और बोर्ड के बीच नाराजगी बढ़ गई थी।

बता दें, इंग्लैंड के खिलाफ लॉर्ड्स में होने वाले तीसरे मैच के पहले रोहित शर्मा की रिटायरमेंट की खबरें हर जगह छाई हुई थी। वहीं इस मुकाबले में रोहित शर्मा ने शानदार शतक लगाकर आलोचकों को करारा जवाब दिया था। हाल ही में वेस्टइंडिज के खिलाफ 3 मैचों की वनडे सीरीज में रोहित शर्मा को भी जगह मिली है।

बीसीसीआई से नाराज थे अगरकर

पीटीआई की रिपोर्ट के मुताबिक, ‘बीसीसीआई और अजीत अगरकर के बीच रिश्तों में तनाव की वजह रोहित शर्मा को लेकर लिया गया फैसला था।’ रिपोर्ट के अनुसार, ‘इंग्लैंड के खिलाफ तीन वनडे मैचों की सीरीज से पहले अगरकर ने भारतीय टीम मैनेजमेंट और कुछ बीसीसीआई अधिकारियों के समर्थन से रोहित को आगे नहीं खिलाने का फैसला किया था। इसके बाद साउथ जोन के सिलेक्ट और रोहित के करीबी दोस्त प्रज्ञान ओझा को ये फैसला रोहित तक पहुंचाने की जिम्मेदारी दी गई थी।’

रोहित ने ऐसे पलटा दांव

बताया गया कि अजीत अगरकर 2027 के विश्व कप के लिए रोहित शर्मा पर निर्भर नहीं रहना चाहते थे, क्योंकि रोहित अगले साल 40 साल के हो जाएंगे। वह यशस्वी जायसवाल को मौका देकर टीम में उनकी जगह मजबूत करना चाहते थे और इसके लिए उन्हें अपनी जगह पक्की करने के लिए करीब 20 वनडे मैच खेलने का मौका मिले। रोहित शर्मा इस फैसले और सेलेक्टर्स के उनके साथ किए जा रहे व्यवहार से खुश नहीं थे। रिपोर्ट के मुताबिक, ‘उन्होंने एक बड़े अधिकारी से संपर्क किया, जिसके बाद बीसीसीआई सचिव देवजीत सैकिया ने इस मामले पर अपनी बात रखी। उनका ये बयान लॉर्ड्स में इंग्लैंड के खिलाफ आखिरी वनडे से पहले सामने आया और इसे काफी अहम माना गया।’

देवजीत सैकिया ने कहा था

बीसीसीआई सचिव देवजीत सैकिया ने कहा था, “रोहित शर्मा के भविष्य को लेकर मीडिया में कई तरह की बातें चल रही हैं। मैं साफ तौर पर कहना चाहता हूं कि ऐसी कोई चर्चा नहीं हुई है कि रोहित रविवार को लॉर्ड्स में अपना आखिरी मैच खेलेंगे। रोहित भारतीय वनडे टीम के नियमित सदस्य हैं और जब तक वह टीम का हिस्सा हैं, देश के लिए खेलते रहेंगे। यानी लॉर्ड्स में होने वाला वनडे उनका आखिरी मैच नहीं होगा।”

रोहित ने लगाया था शतक

रोहित शर्मा ने इस मैच में शानदार शतक लगाकर अपनी काबिलियत साबित की थी। रिपोर्ट के मुताबिक, इसी मैच के बाद अजीत अगरकर को एहसास हुआ कि वह रोहित को टीम से बाहर नहीं कर सकते और रोहित जैसे बड़े खिलाड़ी को लेकर अकेले कोई बड़ा फैसला लेने की उनके पास पूरी ताकत नहीं है। इसके बाद रोहित को टीम से बाहर करने की योजना आगे नहीं बढ़ सकी।

लक्ष्मण से भी था मतभेद

वीवीएस लक्ष्मण और अजीत अगरकर के बीच चोटिल खिलाड़ियों और इंडिया ए के मैचों को लेकर भी मतभेद थे। लक्ष्मण मजबूत टीम के साथ अच्छे खिलाड़ियों को खिलाने के पक्ष में थे, जबकि अगरकर एशियन गेम्स में पहली पसंद की टीम भेजने के फैसले से सहमत नहीं थे। इंडिया ए, ईरानी कप और भारतीय टीम के मैचों के शेड्यूल को लेकर भी दोनों की राय अलग थी। चोटिल खिलाड़ियों की वापसी और सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के कामकाज को लेकर भी मतभेद रहे। इन सभी बातों से दोनों के बीच भरोसा कम होता गया।

गेम शो होस्ट करते करते वनडे क्रिकेट खेलने वाले पहले बल्लेबाज बनेंगे रोहित शर्मा

रोहित शर्मा को आगामी वेस्टइंडीज सीरीज के लिए एकदिवसीय टीम में शामिल कर लिया गया है। इसका मतलब यह है कि एक तरफ उनका फैमिली गेम शो का प्रसारण होगा और दूसरी ओर वह क्रिकेट खेलेंगे। ऐसी सुविधा भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड ने किसी भी क्रिकेटर को नहीं दी जो रोहित शर्मा को मिल रही है वह भी बिना खास फॉर्म के।

भारतीय पूर्व कप्तान रोहित शर्मा जल्द ही अपना फैमिली शो Family Full House with Rohit Sharma.में बतौर होस्ट शिरकत करते हुए नजर आएंगे।मीडिया सूत्रों के मुताबिक यह मशूहर अमेरिकी शो द फैमिली फ्यूड(The Family Feud) का भारतीय संस्करण होगा और इसके 40 एपिसोड रोहित शर्मा को शूट करने होंगे।इस अमेरिकी शो में मशहूर होस्ट स्टीव हार्वे की भूमिका रोहित शर्मा निभाएंगे।

साल भर रहा बुरा फॉर्म, लॉर्ड्स पर मिली संजीवनी

गौरतलब है कि रोहित शर्मा खराब फॉर्म से जूझ रहे थे और इंग्लैंड के पहले दो एकदिवसीय मैच में फ्लॉप रहे थे। जिसके बाद उनकी संन्यास की अटकलें लगनी शुरु हो गई थी। हालांकि उन्होंने बेहतरीन पारी खेली। रोहित शर्मा ने 110 गेंदो में 138 रन बनाए। उन्हें जैकब बैथल ने बोल्ड किया।

रोहित शर्मा ने इंग्लैंड के खिलाफ पहले एकदविसीय मैच में 21 गेंदो में 11 रन बनाए थे।  दूसरे एकदिवसीय मैच में 47 गेंद में 1 चौका और छक्का मारने के बाद 26 रन बनाकर आउट हुए। उनका 5 रनों पर गस एटिंकसन ने कैच छोड़ा था।

अफगानिस्तान के खिलाफ तीसरे एकदिवसीय मैच को छोड़ दे तो इस साल रोहित का प्रदर्शन औसत से नीचे रहा है।पहले मैच में वह 16 रन बनाकर रनआउट हो गए और दूसरे मैच में वह 39 गेंदों में 48 रन बनाकर बोल्ड हो गए।

इससे पहले न्यूजीलैंड के खिलाफ पहली एकदिवसीय सीरीज में रोहित शर्मा फ्लॉप रहे और टीम को शुरुआत में बड़ा स्कोर नहीं दे सके। रोहित शर्मा 3 मैचों में 20 की औसत से 61 रन बना पाए। पूरी सीरीज में उन्होंने 9 चौके और 2 छक्के लगाए।पहले मैच में उन्होंने 29 गेंदो पर 26 रन, दूसरे मैच में उन्होंने 38 गेंदो में 24 रन और तीसरे मैच में 13 गेंदो में 11 रन बनाए।

2027 एकदिवसीय विश्व कप का सवाल टाल गए रोहित शर्मा

 भारत के स्टार क्रिकेटर रोहित शर्मा ने अगले साल होने वाले वनडे विश्व कप में खेलने की संभावना के बारे में पूछे जाने पर गुरुवार को कहा कि अक्टूबर 2027 अभी बहुत दूर है। एक कार्यक्रम के दौरान पूर्व कप्तान ने एक पंक्ति में जवाब दिया। टी20 अंतरराष्ट्रीय और टेस्ट क्रिकेट में नहीं खेलने के कारण रोहित के वनडे प्रारूप में भविष्य को लेकर अटकलें लगाई जा रहे हैं।

रोहित ने कार्यक्रम के दौरान एक सवाल के जवाब में कहा, ‘‘ अक्टूबर 2027 अभी बहुत दूर है, तब देखेंगे।’’वनडे विश्व कप 2027 की सह-मेजबानी दक्षिण अफ्रीका, जिम्बाब्वे और नामीबिया करेंगे।’भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआई) के सचिव देवजीत सैकिया ने कुछ दिन पहले स्पष्ट कर दिया था कि रोहित को लेकर अटकलों की कोई गुंजाइश नहीं है क्योंकि वह अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं।

मुश्किल में मोहम्मद रिजवान, सट्टे और फिक्सिंग के लगे संगीन आरोप

 

पाकिस्तान की राष्ट्रीय साइबर क्राइम एजेंसी के ख़िलाफ़ मोहम्मद रिज़वान की याचिका को लाहौर हाई कोर्ट ने ख़ारिज करते हुए उन्हें साइबर क्राइम एजेंसी के सवालों का जवाब देने के निर्देश दिए हैं।

रिज़वान ने बुधवार को एक याचिका दायर की थी जिसमें उनके वकीलों ने कहा था कि पाकिस्तान की राष्ट्रीय साइबर क्राइम एजेंसी ने यह स्पष्ट नहीं किया कि वह उनसे क्यों पूछताछ कर रही है, और यह भी दलील दी कि इस मामले की जांच करना एजेंसी के अधिकार क्षेत्र में नहीं है। याचिका के अनुसार यह मामला पाकिस्तान क्रिकेट में कथित ऑनलाइन बेटिंग/सट्टेबाज़ी से जुड़ा था।

हालांकि गुरुवार को काफ़ी छोटी सुनवाई में इस याचिका को ख़ारिज कर दिया गया। अभी यह जानकारी सामने नहीं आई है कि रिज़वान इस फ़ैसले के ख़िलाफ़ अपील करेंगे या अदालत के निर्देशानुसार एजेंसी के सवालों का जवाब देंगे।

रिज़वान ने पिछले सप्ताह एजेंसी द्वारा पूछताछ के लिए बुलाए जाने के बाद यह याचिका दायर की थी। उसी दिन इमाम-उल-हक़ भी एजेंसी के समक्ष के पेश हुए थे लेकिन उन्होंने सवालों की सूची को भरते हुए इस सप्ताह की शुरुआत में एजेंसी को वापस भेज दिया था। जबकि रिज़वान ने अदालत का रुख़ करने का फ़ैसला किया।

रिज़वान की याचिका में कहा गया था कि आरोप पूरी तरह से ग़लतफ़हमी पर आधारित हैं और मनगढंत और असपष्ट हैं। आरोपों को लेकर याचिका में यह भी कहा गया था कि यह याचिकाकर्ता के हितों और प्रतिष्ठा को नुक़सान पहुंचाने के लिए किए जाने वाले प्रयास से अधिक नहीं है।याचिका में एजेंसी के अधिकार क्षेत्र को चुनौती देते हुए यह भी कहा गया था कि आईसीसी की एंटी-करप्शन यूनिट ही इन आरोपों की जांच करती है।

याचिका में यह दावा किया गया था कि रिज़वान को रात के एक बजे होटल की लॉबी में बुलाया गया था जहां टीम रह रही थी। वहां पर सरकारी एजेंसी का एक अधिकारी मौजूद था। इस मामले में पहले कोई नोटिस न मिलने के बावजूद अधिकारी ने रिज़वान से पूछताछ की और उन्हें बिना कोई कारण बताए उनसे फ़ोन ले लिया गया। याचिका के अनुसार उन्हें यह भी नहीं बताया गया कि किस आदेश के तहत उनका फ़ोन ज़ब्त किया गया।

याचिका में कहा गया है कि तीन घंटे में फ़ोन की पूरी जांच करने के बाद फ़ोन वापस लौटाने का आश्वासन दिया गया था। लेकिन इस आश्वासन के बाद भी अभी तक रिज़वान को उनका फ़ोन नहीं लौटाया गया है।

पिछले सप्ताह पीसीबी ने अपने स्तर पर एक जांच करने की घोषणा की थी लेकिन तब यह नहीं बताया गया था कि यह जांच किस संबंध में होगी। बोर्ड ने उस समय खिलाड़ियों का नाम भी नहीं लिया था लेकिन यह कहा था कि बोर्ड ने अनुशासन और व्यवहार संबंधी कुछ मीडिया रिपोर्ट्स के आधार पर आंतरिक अनुशासन जांच शुरू की है जिसकी अभी समीक्षा की जा रही है। बोर्ड ने इस प्रक्रिया के बारे में कहा था कि यह पीसीबी के नियमों के अंतर्गत की जा रही है।

वेस्टइंडीज़ और इंग्लैंड के दौरों के लिए रिज़वान और इमाम के चयन के संबंध में पीसीबी ने लॉर्ड्स टेस्ट के बाद चयनकर्ताओं को नोटिस भी भेजा था। इस नोटिस में 24 घंटे के भीतर लिखित में यह जवाब मांगा गया था कि उनका चयन किन कारणों से किया गया और किस प्रक्रिया के तहत उनके चयन के नतीजे तक पहुंचा गया। पाकिस्तान के टेस्ट दल में बदलाव के बाद चयनकर्ता मिस्बाह-उल-हक़ ने अपने पद से इस्तीफ़ा दे दिया था।

अजीत आगरकर चाहते हुए भी इस नियम के कारण रोहित शर्मा को वनडे टीम से ड्रॉप नहीं कर पाए

मुख्य चयनकर्ता अजीत आगरकर अपने अंतिम टीम घोषणा के लिए बुधवार को वेस्टइंडीज के खिलाफ एकदिवसीय और टी-20 अंतरराष्ट्रीय टीम की घोषणा करने के लिए आए। फैंस को लगा था कि कुछ दिनों पहले जो रोहित शर्मा ने उन पर Non Committal शर्ट पहनकर तंज कसा था उसका बदला वह रोहित शर्मा को एकदिवसीय  टीम से बाहर करके ले लेंगें। यह वही शब्द है जो मुख्य चयनकर्ता अजीत आगरकर ने एक साल पहले रोहित शर्मा के विश्वकप खेलने के सवाल के जवाब में दिया था।

हालांकि अजीत आगरकर चाहकर भी ऐसा कुछ नहीं कर पाए क्योंकि एक खिलाड़ी को ड्रॉप करने के लिए  मुख्य चयनकर्ता के साथ अन्य चयनकर्ताओॆ का 2 तिहाई बहुमत चाहिए होता है। अगर मुख्य चयनकर्ता सिर्फ अपनी मर्जी से किसी खिलाड़ी को ड्रॉप कर भी दे तो लिखित में चयनित हुई टीम पर हस्ताक्षर बोर्ड के अध्यक्ष या सचिव के होते हैं और देवजीत सैकिया तो रोहित शर्मा के पक्ष की ही बातें पिछले 2-3 महीनों से कर रहे हैं। इस कारण अजीत आगरकर ने अपनी अंतिम टीम में भी कोई कोशिश नहीं की।

2027 एकदिवसीय विश्व कप का सवाल टाल गए रोहित शर्मा

 भारत के स्टार क्रिकेटर रोहित शर्मा ने अगले साल होने वाले वनडे विश्व कप में खेलने की संभावना के बारे में पूछे जाने पर गुरुवार को कहा कि अक्टूबर 2027 अभी बहुत दूर है। एक कार्यक्रम के दौरान पूर्व कप्तान ने एक पंक्ति में जवाब दिया। टी20 अंतरराष्ट्रीय और टेस्ट क्रिकेट में नहीं खेलने के कारण रोहित के वनडे प्रारूप में भविष्य को लेकर अटकलें लगाई जा रहे हैं।

रोहित ने कार्यक्रम के दौरान एक सवाल के जवाब में कहा, ‘‘ अक्टूबर 2027 अभी बहुत दूर है, तब देखेंगे।’’वनडे विश्व कप 2027 की सह-मेजबानी दक्षिण अफ्रीका, जिम्बाब्वे और नामीबिया करेंगे।’भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआई) के सचिव देवजीत सैकिया ने कुछ दिन पहले स्पष्ट कर दिया था कि रोहित को लेकर अटकलों की कोई गुंजाइश नहीं है क्योंकि वह अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं।

Rohit Sharma

संन्यास की अटकलें जुलाई से हो रही है तेज

17 जुलाई (शुक्रवार) से मीडिया सूत्रों में यह अटकलें लग रही थी कि वह संन्यास के बारे में सोच रहे हैं और 19 जुलाई (रविवार) को लॉर्ड्स पर खेला जाने वाला एकदिवसीय मैच उनका अंतिम मैच होगा। इस मैच से पहले या तो वह खुद संन्यास ले लेंगे या फिर ड्रॉप हो जाएंगे।लेकिन भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड के सचिव देवजीत सैकैया ने कहा है कि यह सब अफवाह है। वह जब तक चाहे क्रिकेट खेल सकते हैं।

माना जा रहा था रोहित शर्मा ने अपने PR यानि कि जनसंपर्क के कारण अफगानिस्तान सीरीज में अपनी जगह बचा ली थी लेकिन इंग्लैंड उनकी अंतिम सीरीज मानी जा रही थी।रोहित शर्मा ने फिर जबरदस्त जनसंपर्क की बिसात बिछाकर अपनी जगह एक बार फिर बचा ली और आलोचकों के मुंह शतक लगाकर बंद कर दिए।

साल भर रहा बुरा फॉर्म, लॉर्ड्स पर मिली संजीवनी

गौरतलब है कि रोहित शर्मा खराब फॉर्म से जूझ रहे थे और इंग्लैंड के पहले दो एकदिवसीय मैच में फ्लॉप रहे थे। जिसके बाद उनकी संन्यास की अटकलें लगनी शुरु हो गई थी। हालांकि उन्होंने बेहतरीन पारी खेली। रोहित शर्मा ने 110 गेंदो में 138 रन बनाए। उन्हें जैकब बैथल ने बोल्ड किया।

रोहित शर्मा ने इंग्लैंड के खिलाफ पहले एकदविसीय मैच में 21 गेंदो में 11 रन बनाए थे।  दूसरे एकदिवसीय मैच में 47 गेंद में 1 चौका और छक्का मारने के बाद 26 रन बनाकर आउट हुए। उनका 5 रनों पर गस एटिंकसन ने कैच छोड़ा था।

अफगानिस्तान के खिलाफ तीसरे एकदिवसीय मैच को छोड़ दे तो इस साल रोहित का प्रदर्शन औसत से नीचे रहा है।पहले मैच में वह 16 रन बनाकर रनआउट हो गए और दूसरे मैच में वह 39 गेंदों में 48 रन बनाकर बोल्ड हो गए।

इससे पहले न्यूजीलैंड के खिलाफ पहली एकदिवसीय सीरीज में रोहित शर्मा फ्लॉप रहे और टीम को शुरुआत में बड़ा स्कोर नहीं दे सके। रोहित शर्मा 3 मैचों में 20 की औसत से 61 रन बना पाए। पूरी सीरीज में उन्होंने 9 चौके और 2 छक्के लगाए।पहले मैच में उन्होंने 29 गेंदो पर 26 रन, दूसरे मैच में उन्होंने 38 गेंदो में 24 रन और तीसरे मैच में 13 गेंदो में 11 रन बनाए।

भारत की एकदिवसीय टीम: शुभमन गिल (कप्तान), रोहित शर्मा, विराट कोहली, ऋतुराज गायकवाड़, केएल राहुल (उपकप्तान), ध्रुव जुरेल, नितीश कुमार रेड्डी, रविंद्र जडेजा, कुलदीप यादव, प्रसिद्ध कृष्णा, गुरनूर बराड़, मोहम्मद सिराज, आकिब नबी, यशस्वी जायसवाल और नमन धीर।