दिल्ली से दूर नहीं, लेकिन खूबसूरती में किसी हिल स्टेशन से कम नहीं हैं ये 7 जगहें

बारिश का मौसम आते ही दिल्ली (Delhi) और आसपास का नजारा पूरी तरह बदल जाता है। सूखी सड़कें हरियाली से भर जाती हैं, झीलें (lakes) और पार्क (parks) ताजगी से खिल उठते हैं और ठंडी हवाएं सफर का मजा दोगुना कर देती हैं। ऐसे मौसम में घर पर बैठने के बजाय छोटी-सी रोड ट्रिप (short road trip) का प्लान बनाना एक बेहतरीन आइडिया हो सकता है।

अगर आपके पास लंबी छुट्टी नहीं है, तो भी चिंता की बात नहीं। दिल्ली से करीब 4 घंटे या उससे कम दूरी पर कई ऐसी शानदार जगहें हैं, जहां आप दोस्तों या परिवार के साथ आराम से वीकेंड (weekend) बिता सकते हैं। यहां आपको नेचर, इतिहास, झीलें, किले, बर्ड वॉचिंग और शानदार खाने का मजा एक साथ मिलेगा:

Agra, आगरा: बारिश में और भी खूबसूरत लगता है ताजमहल

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दिल्ली (Delhi) से लगभग 3 से 4 घंटे की दूरी पर स्थित आगरा (Agra) सिर्फ ताजमहल (Agra) के लिए ही नहीं, बल्कि अपने स्वादिष्ट स्ट्रीट फूड और ऐतिहासिक इमारतों के लिए भी मशहूर है। मानसून के दौरान बादलों के बीच ताजमहल का नजारा और भी अट्रैक्टिव लगता है। यहां आगरा किला (Agra Fort) देखने के साथ लोकल मार्केट और मशहूर पेठा का स्वाद भी जरूर लें।

Sohna, सोहना: कम समय में शानदार वीकेंड

Aravalli hills Images - Free Download on Magnific (formerly Freepik)

अगर ज्यादा दूर नहीं जाना चाहते, तो सोहना बेहतरीन ऑप्शन है। यह दिल्ली से केवल 1.5 से 2 घंटे की दूरी पर है। अरावली की पहाड़ियों (Aravalli hills) के बीच बसा यह इलाका अपने रिजॉर्ट, हरियाली और प्राकृतिक गर्म पानी के झरनों के लिए जाना जाता है। फैमिली के साथ एक दिन की छोटी और आरामदायक ट्रिप के लिए यह जगह परफेक्ट है।

Sultanpur National Park, सुल्तानपुर नेशनल पार्क: नेचर लवर के लिए खास

Sultanpur National Park: A Birdwatcher's Paradise Near Delhi

दिल्ली (Delhi) से करीब 1 से 1.5 घंटे की दूरी पर सुल्तानपुर नेशनल पार्क बर्ड वॉचिंग (birdwatching) के लिए मशहूर है। बारिश के मौसम में यहां कई तरह के पक्षी देखने को मिलते हैं। सुबह या शाम के समय पार्क घूमना सबसे अच्छा माना जाता है। यहां बैटरी से चलने वाली गाड़ियां भी अवेलेबल हैं, जिससे बुजुर्ग और बच्चों के साथ घूमना आसान हो जाता है।

Rewari, रेवाड़ी: हिस्ट्री और लोकल फ्लेवर का यूनिक एक्सपीरियंस

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दिल्ली से लगभग 2 से 2.5 घंटे की दूरी पर रेवाड़ी (Rewari) उन लोगों के लिए खास है जो कुछ अलग देखना चाहते हैं। यहां मौजूद रेवाड़ी स्टीम लोकोमोटिव शेड भारत के सबसे पुराने स्टीम इंजन शेड में से एक है। इसके अलावा आप शहर के लोकल बाजार (local market) घूम सकते हैं और हरियाणा के पारंपरिक खाने (Haryanvi cuisine) का स्वाद भी ले सकते हैं।

Alwar, अलवर: हिस्ट्री और नेचर का शानदार ब्लेंड

Bala Quila Fort Alwar | History, Timings, Entry Fee & Safari

राजस्थान (Rajasthan) का अलवर दिल्ली से लगभग 3 से 4 घंटे की दूरी पर है। बारिश के मौसम में अरावली की पहाड़ियां (Aravalli hills) हरी-भरी हो जाती हैं और यहां का मौसम काफी सुहावना रहता है। यहां आप बाला किला (Bala Quila), सिटी पैलेस (City Palace)और सिलीसेढ़ झील (Siliserh Lake)घूम सकते हैं। अगर भीड़ से दूर शांत जगह पर समय बिताना चाहते हैं, तो अलवर अच्छा ऑप्शन है।

Neemrana Fort Palace, नीमराना फोर्ट पैलेस: शाही अंदाज में बिताएं वीकेंड

Neemrana Fort Palace| Heritage Resort near Jaipur | Stay near Jaipur

दिल्ली से करीब 2.5 से 3 घंटे की दूरी पर बना नीमराना फोर्ट पैलेस इतिहास और लग्जरी का शानदार ब्लेंड है। कई सौ साल पुराने इस किले को अब हेरिटेज होटल (heritage hotel) में बदल दिया गया है। यहां की छतों, बगीचों और पुराने आंगनों से बारिश के बाद का नजारा बेहद खूबसूरत दिखाई देता है। यहां एक दिन बिताकर भी रॉयल फील का एक्सपीरियंस लिया जा सकता है।

Bharatpur, भरतपुर: पक्षियों और हरियाली के बीच सुकून भरा दिन

The Palaces of Deeg — Google Arts & Culture

दिल्ली से करीब 3.5 से 4 घंटे की दूरी पर भरतपुर (Bharatpur) मानसून (monsoon) में बेहद खूबसूरत हो जाता है। यहां का केवलादेव नेशनल पार्क (Keoladeo National Park) बारिश के बाद हरियाली से भर जाता है और देश-विदेश के कई पक्षी यहां दिखाई देते हैं। पार्क को देखने के लिए साइकिल या साइकिल रिक्शा सबसे अच्छा ऑप्शन’है। अगर आपको फोटोग्राफी या नेचर पसंद है, तो यह जगह आपको जरूर पसंद आएगी।

सफर पर निकलने से पहले रखें इन बातों का ध्यान

8 Best Places for a Romantic Stay During Monsoon in India 2026

मानसून ट्रिप (monsoon trip) पर निकलने से पहले कुछ छोटी-छोटी तैयारियां आपकी जर्नी को और आसान बना सकती हैं। कोशिश करें कि सुबह जल्दी निकलें ताकि ट्रैफिक से बच सकें और दिनभर घूमने का पूरा समय मिले। घर से निकलने से पहले मौसम का अपडेट जरूर देख लें। अपने साथ छाता या हल्की रेन जैकेट, आरामदायक वॉटरप्रूफ जूते, पानी की बोतल, हल्के स्नैक्स और जरूरी दवाइयां जरूर रखें। बारिश के दौरान गाड़ी सावधानी से चलाएं और जल्दबाजी करने के बजाय रास्ते की हरियाली, ठंडी हवाओं और खूबसूरत नजारों का भी भरपूर आनंद लें।

Agniveer Bharti 2026: अग्निवीर बनने का सुनहरा मौका! जाट रेजिमेंट सेंटर बरेली में होगी विशेष भर्ती रैली, जानिए तारीख समेत सबकुछ

Agniveer Bharti 2026: भारतीय सेना ने अग्निवीर भर्ती की तैयारी कर रहे देश के लाखों युवाओं के लिए बड़ी खुशखबरी दी है। जाट रेजिमेंट सेंटर, बरेली में 6 अगस्त से 13 अगस्त 2026 तक स्पेशल कोटा अग्निवीर भर्ती रैली आयोजित की जाएगी। इस भर्ती में अग्निवीर जनरल ड्यूटी (GD), ट्रेड्समैन, क्लर्क/स्टोर कीपर टेक्निकल और खिलाड़ी (स्पोर्ट्स ट्रायल में चयनित) कैटेगरी के अभ्यर्थी हिस्सा ले सकेंगे।

यह भर्ती रैली विशेष कोटा के तहत आयोजित की जा रही है। इसमें युद्ध में वीरगति प्राप्त सैनिकों के बेटे और सगे भाई, युद्ध के दौरान घायल सैनिकों के बेटे, भूतपूर्व सैनिकों के बच्चे तथा उत्कृष्ट खिलाड़ी निर्धारित पात्रता के अनुसार आवेदन कर सकेंगे। सेना ने भर्ती कार्यक्रम का डिटेल्स शेड्यूल भी जारी कर दिया है।

भर्ती में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों को सभी आवश्यक मूल दस्तावेज, प्रमाण पत्र और उनकी प्रतियां साथ लानी होंगी। सभी उम्मीदवारों को भर्ती स्थल पर सुबह 4 बजे तक पहुंचना होगा। सेना ने स्पष्ट किया है कि सुबह 8 बजे के बाद पहुंचने वाले अभ्यर्थियों को भर्ती प्रक्रिया में शामिल नहीं किया जाएगा।

भर्ती का शेड्यूल

6 और 7 अगस्त: अग्निवीर (जनरल ड्यूटी) के लिए विशेष भर्ती आयोजित की जाएगी।

8 अगस्त: अग्निवीर (जनरल ड्यूटी) के लिए उत्तर प्रदेश के चयनित जिलों के उम्मीदवारों की भर्ती होगी।

10 अगस्त: अन्य निर्धारित जिलों के अभ्यर्थियों के लिए अग्निवीर (जनरल ड्यूटी) भर्ती होगी।

12 अगस्त: सभी राज्यों के पात्र अभ्यर्थियों के लिए अग्निवीर ट्रेड्समैन भर्ती होगी।

13 अगस्त: अग्निवीर क्लर्क/स्टोर कीपर टेक्निकल पदों के लिए भर्ती रैली आयोजित होगी।

कौन कर सकता है आवेदन?

इस विशेष भर्ती रैली में केवल वे उम्मीदवार भाग ले सकेंगे जो सेना द्वारा निर्धारित विशेष कोटा की पात्रता पूरी करते हैं। इसके अलावा, स्पोर्ट्स ट्रायल में चयनित खिलाड़ी भी संबंधित श्रेणी में शामिल हो सकेंगे।

युवाओं के लिए बड़ा अवसर

सेना का कहना है कि इस विशेष भर्ती का उद्देश्य पात्र युवाओं को अग्निवीर योजना के तहत सेना में शामिल होने का अवसर देना है। भर्ती प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी होगी और सभी चयन निर्धारित नियमों एवं पात्रता के आधार पर किए जाएंगे। उम्मीदवारों को सलाह दी गई है कि वे भर्ती की तारीख से पहले अपने सभी दस्तावेजों की जांच कर लें और तय समय पर भर्ती स्थल पर पहुंचें।

अग्निवीर योजना क्या है?

अग्निवीर स्कीम (Agnipath Scheme) केंद्र सरकार की तरफ से 14 जून 2022 को शुरू की गई सैन्य भर्ती योजना है। इसके तहत युवाओं की भर्ती भारतीय सेना (Army), नौसेना (Navy) और वायुसेना (Air Force) में चार साल की अवधि के लिए की जाती है। इस योजना के तहत भर्ती होने वाले जवानों को ‘अग्निवीर‘ कहा जाता है।

योजना की मुख्य बातें

सेवा अवधि: 4 वर्ष (ट्रेनिंग सहित)

भर्ती: भारतीय सेना, नौसेना और वायुसेना में होगी।

आयु सीमा: भर्ती अधिसूचना के अनुसार निर्धारित (योजना की शुरुआत में 17.5 से 21 वर्ष) बाद में कुछ भर्तियों में विशेष छूट भी दी गई)।

चार साल बाद क्या होगा?

  • चार साल की सेवा पूरी होने पर अधिकतम 25% अग्निवीरों को प्रदर्शन, भर्ती और संगठन की आवश्यकता के आधार पर नियमित कैडर में शामिल किया जा सकता है।
  • बाकी 75% अग्निवीर सेवा से मुक्त होंगे। उन्हें ‘सेवा निधि’ (Seva Nidhi) पैकेज, कौशल प्रमाणपत्र तथा अन्य रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने का प्रावधान है।

सैलरी और सुविधाएं

  • मासिक वेतन पहले साल में लगभग ₹30,000 से शुरू होकर चौथे वर्ष तक बढ़ता है।
  • जोखिम और कठिनाई भत्ता (जहां लागू हो) दिया जाता है।
  • चार वर्ष पूरे होने पर लगभग ₹11.71 लाख (ब्याज सहित) का टैक्स-फ्री सेवा निधि पैकेज मिलता है।
  • सेवा अवधि के दौरान ₹48 लाख का Non-contributory Life Insurance यानी बिना कोई प्रीमियम दिए मिलने वाला जीवन बीमा भी उपलब्ध कराया जाता है।

नौकरी के बाद रोजगार के अवसर

केंद्र सरकार ने पूर्व अग्निवीरों के लिए कई रोजगार अवसरों की घोषणा की है, जिनमें शामिल हैं:-

  • CAPF और असम राइफल्स में 50% तक आरक्षण (निर्धारित पदों पर)
  • BSF, CRPF समेत केंद्रीय सुरक्षा बलों में विशेष प्रावधान
  • कई राज्य सरकारों द्वारा पुलिस भर्ती में आरक्षण और आयु सीमा में छूट
  • सार्वजनिक उपक्रमों (PSUs) और निजी क्षेत्र में रोजगार को बढ़ावा देने के लिए कौशल प्रमाणन की व्यवस्था।

Share Market Crash: खास वजहों से IT-Pharma Sector में बिकवाली की आंधी, 500 प्वाइंट्स टूट गया Sensex

Share Market Crash: अधिकतर एशियाई बाजारों में रौनक के बावजूद अमेरिका और ईरान के बीच युद्ध की आंच में घरेलू बेंचमार्क इंडेक्सेज सेंसेक्स और निफ्टी फिसल गए। फार्मा सेक्टर में जेनेरिक्स दवाईयों पर अमेरिकी टैरिफ और एआई से जुड़े शेयरों में तेजी के चलते भारतीय आईटी स्टॉक्स पर दबाव में सेंसेक्स 500 प्वाइंट्स से अधिक टूट गया तो निफ्टी 50 भी फिसलकर 24000 के एकदम करीब आ गया। ब्रोडर लेवल पर भी बिकवाली का दबाव दिख रहा है और निफ्टी मिडकैप 100 और निफ्टी स्मॉलकैप 100 में करीब आधे फीसदी तक की गिरावट है।

अब घरेलू इक्विटी बेंचमार्क इंडेक्सेज की बात करें तो फिलहाल 09:34 AM पर सेंसेक्स (Sensex) 564.77 प्वाइंट्स यानी 0.73% की गिरावट के साथ 76,905.34 और निफ्टी (Nifty) 158.00 प्वाइंट्स यानी 0.65% की फिसलन के साथ 24,029.70 पर है। इंट्रा-डे में सेंसेक्स 581.61 प्वाइंट्स टूटकर 76,888.50 और निफ्टी 168.30 प्वाइंट्स गिरकर 24,019.40 तक आ गया था।

Share Market Crash: ये है वजह

US-Iran War

अमेरिका ने ईरान पर लगातार 11वीं रात हवाई हमले किए। इन हमलों में मिलिट्री ऑपरेशन सेंटर, एयरक्राफ्ट हैंगर और ड्रोन स्टोरेज साइट्स को निशाना बनाया गया। इन हमलों के बाद वॉशिंगटन और तेहरान के बीच तनाव कम होने के फिलहाल कोई संकेत नहीं दिख रहे हैं। इसने मार्केट में सेंटिमेंट कमजोर किया है।

आईटी-फार्मा सेक्टर में तेज बिकवाली

मार्केट पर आज सबसे अधिक दबाव फार्मा सेक्टर ने बनाया है। ट्रंप ने अपनी पॉलिसी में जेनेरिक्स दवाईयों को भी शामिल किया तो इस सेक्टर की कंपनियों को झटका लगा और निफ्टी फार्मा 1% से अधिक फिसल गया। इसके अलावा एआई से जुड़े स्टॉक्स में तेजी के चलते भारतीय मार्केट में आईटी कंपनियों पर दबाव पड़ा और निफ्टी आईटी 1% से अधिक टूट गया। इसके अलावा बैंकिंग सेक्टर में भी बिकवाली का तेज दबाव है और सरकारी और प्राइवेट बैंकों के निफ्टी इंडेक्स में आधे-आधे फीसदी से अधिक की गिरावट है।

India VIX में उछाल

मार्केट की घबराहट को मापने वाले इंडिया विक्स में गिरावट ने मार्केट पर दबाव बनाया। फिलहाल यह 3.25% की गिरावट के साथ 13.01 पर है। इसके अधिक होने का मतलब वोलैटिलिटी अधिक होने की आशंका है तो कम होने का मतलब वोलैटिलिटी कम होने की संभावना है।

स्टॉक मार्केट में आज की लाइव हलचल के लिए यहां जुड़ें

US-Iran War: अब आर-पार के मूड में ट्रंप! अमेरिका ने ईरान के मिलिट्री ऑपरेशन सेंटर पर की बमबारी, होर्मुज में बढ़ा तनाव

डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

वर्ल्ड अपडेट्स:ट्रम्प ने अमेरिका में जेनेरिक दवाओं पर टैरिफ लगाया; 2 साल तक जीरो, 2028 से 100% और फिर 200% लगेगा

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने जेनेरिक दवाओं के आयात पर नई टैरिफ नीति की घोषणा की है। ट्रम्प ने कहा कि 1 अगस्त 2026 से अमेरिका में आयात होने वाली सभी जेनेरिक दवाओं पर अगले दो वर्षों तक कोई टैरिफ नहीं लगेगा। इसके बाद 2028 से एक साल के लिए 100% और फिर 200% आयात शुल्क लगाया जाएगा। ट्रम्प ने सोशल मीडिया पर कहा कि इस नीति का मकसद दवा कंपनियों को अमेरिका में ही मैन्युफैक्चरिंग प्लांट लगाने के लिए प्रोत्साहित करना है। जो कंपनियां तय समय में अमेरिका में उत्पादन शुरू नहीं करेंगी, उन्हें ऊंचे टैरिफ का सामना करना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि यह फैसला अमेरिकी नागरिकों के हितों की रक्षा और देश में दवा निर्माण बढ़ाने के लिए लिया गया है। हालांकि पेटेंट, ब्रांडेड और इनोवेटिव दवाओं पर लागू मौजूदा नीति में कोई बदलाव नहीं किया गया है। भारत पर क्या असर होगा?
भारत दुनिया में जेनेरिक दवाओं का सबसे बड़ा निर्यातक है और अमेरिका उसका सबसे बड़ा बाजार है। ऐसे में दो साल की राहत के बाद 2028 से 100% और फिर 200% टैरिफ लागू होने पर भारतीय दवा कंपनियों की लागत बढ़ सकती है। इससे कंपनियों पर अमेरिका में उत्पादन इकाइयां स्थापित करने का दबाव भी बढ़ेगा और भारतीय जेनेरिक दवाओं की प्रतिस्पर्धात्मक बढ़त प्रभावित हो सकती है।

2 साल तक 0%, फिर 100% और 200%… ट्रंप ने जेनेरिक दवाओं पर किया टैरिफ लगाने का ऐलान, भारत पर क्या पड़ेगा असर?

Trump Tariff on generic medicines: राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अमेरिका में आयात होने वाली जेनरिक दवाओं पर टैरिफ लगाने का ऐलान किया है। इसे चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाएगा। ट्रंप ने बताया कि दो साल तक फिलहाल दवाओं पर टैरिफ नहीं लगेगा। इसके बाद एक साल तक 100 प्रतिशत टैरिफ वसूला जा

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SIP Investment: ₹10,000 की SIP से बना ₹28.89 लाख, इस फंड ने 10 साल में निवेशकों को किया मालामाल

Bank of India Debt Fund Returns: म्यूचुअल फंड में सिस्टमैटिक इन्वेस्टमेंट प्लान (SIP) के जरिए लंबी अवधि तक निवेश बनाए रखना पैसा जुटाने का एक बेहद कारगर जरिया साबित हुआ है। एक ऐसे ही हाइब्रिड फंड ने बीते 10 वर्षों में निवेशकों को मालामाल कर दिया है। Value Research के आंकड़ों के अनुसार, बैंक ऑफ इंडिया के Mid & Small Cap Equity & Debt Fund (रेगुलर प्लान) में जिन निवेशकों ने 10 साल पहले ₹10,000 की मासिक एसआईपी शुरू की थी, उनका फंड आज ₹28 लाख से अधिक हो चुका है।

आइए जानते हैं कि इस फंड ने बीते एक दशक में कैसा प्रदर्शन किया है, इसका पोर्टफोलियो कैसा है और इसमें निवेश करते समय किन बातों का ध्यान रखना चाहिए।

10 साल के SIP कैलकुलेशन का पूरा हिसाब

वैल्यू रिसर्च के एसआईपी कैलकुलेटर के अनुसार, इस फंड का 10 साल का रिपोर्ट कार्ड कुछ इस प्रकार है:

मासिक SIP राशि: ₹10,000

कुल निवेश (10 साल में): ₹12,000,000 (12 लाख रुपये)

कुल फंड वैल्यू: ₹28,89,000 (28.89 लाख रुपये)

वार्षिक रिटर्न (XIRR): 16.76%

फंड हाउस द्वारा जारी डेटा के मुताबिक, इस हाइब्रिड स्कीम ने 20 जुलाई 2016 से 31 मार्च 2026 के बीच 13.2% का चक्रवृद्धि वार्षिक वृद्धि दर (CAGR) दर्ज किया है। इसी अवधि के दौरान निफ्टी मिडस्मॉलकैप 400 टीआरआई ने 15.4% और निफ्टी 100 टीआरआई ने 11.7% का सीएजीआर दिया।

कहां और कैसे पैसा लगाता है यह फंड?

बैंक ऑफ इंडिया के Mid & Small Cap Equity & Debt Fund एक ओपन-एंडेड हाइब्रिड स्कीम है। इसका मुख्य उद्देश्य शेयर बाजार की तेजी का फायदा उठाने के साथ-साथ डेट के जरिए पोर्टफोलियो को स्थिरता देना है।

  • इक्विटी आवंटन: यह फंड अपने कुल एसेट का 65% से 80% हिस्सा मिडकैप और स्मॉलकैप कंपनियों के शेयरों में निवेश करता है।
  • डेट आवंटन: बाकी बचा हिस्सा (20% से 35%) डेट और मनी मार्केट इंस्ट्रूमेंट्स में लगाया जाता है।
  • बेंचमार्क: इस स्कीम का बेंचमार्क कंपोजिट इंडेक्स है।

पोर्टफोलियो एलोकेशन: 31 मार्च 2026 तक का आंकड़ा

31 मार्च 2026 तक फंड हाउस द्वारा जारी डेटा के अनुसार, पोर्टफोलियो का बंटवारा इस प्रकार था:

मार्केट कैप के हिसाब से निवेश:

मिड-कैप स्टॉक्स: 48.96%

स्मॉल-कैप स्टॉक्स: 28.63%

डेट एवं अन्य इंस्ट्रूमेंट्स: 22.41%

टॉप सेक्टर्स:

फाइनेंशियल सर्विसेज: 31.33% (सबसे बड़ा हिस्सा)

कैपिटल गुड्स: 13.75%

हेल्थकेयर: 12.35%

मेटल्स एंड माइनिंग: 7.10%

ऑटोमोबाइल एंड ऑटो कंपोनेंट्स: 6.41%

प्रमुख स्टॉक्स: फंड के टॉप 10 स्टॉक्स का कुल पोर्टफोलियो में हिस्सा 23.46% है, जो दिखाता है कि फंड का निवेश किसी एक-दो शेयरों तक सीमित न होकर विविधता से भरा हुआ है। इसके प्रमुख शेयरों में एबॉट इंडिया, यूएनओ मिंडा, इंडियन बैंक, ग्लेनमार्क फार्मास्यूटिकल्स, अरबिंदो फार्मा, लॉयड्स मेटल्स एंड एनर्जी, भारत डायनामिक्स, एरिस लाइफसाइंसेज, जेके सीमेंट और जिंदल स्टेनलेस शामिल हैं।

निवेशकों को किन बातों का ध्यान रखना चाहिए?

मिड-कैप और स्मॉल-कैप शेयरों में बड़ा हिस्सा होने के कारण यह फंड पारंपरिक बैलेंस्ड फंड्स की तुलना में अधिक रिटर्न की क्षमता रखता है, लेकिन इसमें बाजार का जोखिम भी अधिक होता है। हालांकि फंड का डेट वाला हिस्सा उतार-चढ़ाव को थोड़ा नियंत्रित करने में मदद करता है, लेकिन यह बाजार के जोखिम को पूरी तरह खत्म नहीं करता।

अतीत का प्रदर्शन गारंटी नहीं: म्यूचुअल फंड निवेश बाजार के जोखिमों के अधीन हैं। केवल बीते समय के रिटर्न को देखकर ही फैसला न लें, बल्कि अपने वित्तीय लक्ष्यों, निवेश की अवधि और जोखिम लेने की क्षमता के आधार पर ही निवेश का निर्णय लें।

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

Heavy Rain की चेतावनी: आज इन 3 राज्यों के लिए IMD की रेड कलर वॉर्निंग! दिल्ली-यूपी से बिहार तक 19 राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश

India Heavy Rain Alert Today: देश भर में मानसून प्रचंड रूप धारण कर चुका है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने आज 22 जुलाई के लिए नया और विशेष वेदर बुलेटिन जारी कर दिया है। मौसम विभाग ने पश्चिम भारत के 3 प्रमुख क्षेत्रों (गुजरात क्षेत्र, कोंकण व गोवा और मध्य महाराष्ट्र) के लिए रेड कलर वॉर्निंग जारी करते हुए मूसलाधार से अत्यंत भारी बारिश की सख्त चेतावनी दी है। इसके अलावा दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश, बिहार, पंजाब, मध्य प्रदेश और ओडिशा समेत देश के 19 राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।

आइए जानते हैं कि मौसम विभाग के ताजा विश्लेषण और पूर्वानुमान के अनुसार आज आपके राज्य में मौसम का क्या मिजाज रहने वाला है:-

इन 3 राज्यों/क्षेत्रों के लिए IMD की रेड कलर वॉर्निंग

मौसम विभाग ने आज 22 जुलाई को नीचे दिए गए 3 क्षेत्रों के अलग-अलग इलाकों में मूसलाधार से अत्यंत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। गुजरात क्षेत्र के मैदानी और उत्तरी भागों में बेहद तेज और मूसलाधार बारिश होने का अनुमान है। तटीय गोवा और कोंकण क्षेत्र में मूसलाधार से अत्यंत भारी बारिश का खतरा बना हुआ है। महाराष्ट्र के मध्यवर्ती इलाकों और घाट क्षेत्रों में भारी से बहुत भारी बारिश के साथ अत्यंत भारी बारिश की आशंका है।

इन 8 राज्यों में बहुत भारी बारिश की ऑरेंज कलर वॉनिंग

देश के 8 राज्यों में आज मूसलाधार से बहुत भारी बारिश दर्ज किए जाने की संभावना है। छत्तीसगढ़ के कई जिलों में मूसलाधार बारिश का अलर्ट है। राजस्थान के पूर्वी हिस्से में बहुत भारी बारिश हो सकती है। पहाड़ी राज्य हिमाचल में मूसलाधार बारिश की चेतावनी दी गई है। जम्मू-कश्मीर-लद्दाख के पूरे पर्वतीय अंचल में बहुत भारी बारिश होने का अनुमान है। इसी के साथ पूरे मध्य प्रदेश में मानसूनी बादल जमकर बरसेंगे। पूर्वी तटीय राज्य ओडिशा में भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट है। पंजाब के अलग-अलग इलाकों में तेज बारिश होगी। महाराष्ट्र के विदर्भ अंचल में मूसलाधार बारिश दर्ज की जाएगी।

दिल्ली-यूपी और बिहार समेत इन 11 राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट

मौसम विभाग ने देश के 11 राज्यों व केंद्र शासित प्रदेशों में अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश की संभावना जताई है:-

उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड: यूपी और देवभूमि उत्तराखंड के विभिन्न जिलों में तेज बारिश होगी।

हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली: राजधानी दिल्ली, हरियाणा और चंडीगढ़ में आज दिन भर बादल छाए रहेंगे और भारी बारिश दर्ज की जाएगी।

बिहार और गांगेय पश्चिम बंगाल: दोनों राज्यों में कई स्थानों पर गरज-चमक के साथ भारी बारिश का दौर जारी रहेगा।

पश्चिमी राजस्थान: राजस्थान के पश्चिमी अंचलों में भारी वर्षा की संभावना है।

मराठवाड़ा: महाराष्ट्र के मराठवाड़ा क्षेत्र में भारी बारिश का अलर्ट है।

तेलंगाना: दक्षिणी राज्य तेलंगाना में कई जगहों पर भारी बारिश होगी।

पूर्वांचल और पूर्वोत्तर राज्य: असम और मेघालय के साथ-साथ नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में भारी बारिश का अनुमान है।

40-50 kmph की रफ्तार से चलेगी आंधी और थंडरस्टॉर्म अलर्ट

बारिश के साथ-साथ कई राज्यों में तेज तूफानी हवाएं और आकाशीय बिजली गिरने का खतरा भी बना रहेगा। आंध्र प्रदेश, उत्तरी आंतरिक कर्नाटक और तमिलनाडु, पुडुचेरी व कराइकल में अलग-अलग स्थानों पर गरज-चमक के साथ 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तूफानी हवाएं चलने का अलर्ट है। अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, बिहार, जम्मू-कश्मीर-लद्दाख, झारखंड, मध्य प्रदेश, ओडिशा, राजस्थान, दक्षिणी आंतरिक कर्नाटक और तेलंगाना में आंधी-तूफान के साथ 30 से 40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलेंगी।

असम व मेघालय, छत्तीसगढ़, गुजरात क्षेत्र, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम व त्रिपुरा, उत्तराखंड, विदर्भ और पश्चिम बंगाल व सिक्किम में आकाशीय बिजली कड़कने की चेतावनी दी गई है। आंध्र प्रदेश, आंतरिक कर्नाटक और तेलंगाना के अलग-अलग इलाकों में दिन भर तेज सतही हवाएं चलेंगी।

मौसम वैज्ञानिक विश्लेषण

IMD के मुताबिक देश भर में कई प्रमुख मौसमी प्रणालियां सक्रिय हैं:-

मानसून ट्रफ: समुद्र तल पर मानसून की ट्रफ लाइन जैसलमेर, अजमेर, गुना, सतना, डाल्टनगंज, दीघा से होते हुए उत्तर-पूर्व बंगाल की खाड़ी तक गुजर रही है।

ईस्ट-वेस्ट शीयर जोन: 22°N अक्षांश के साथ समुद्र तल से 3।1 किमी से 7।6 किमी की ऊंचाई के बीच शीयर जोन बना हुआ है, जो ऊंचाई के साथ दक्षिण-पश्चिम की ओर झुका है।

वेस्टर्न डिस्टर्बेंस: उत्तर पाकिस्तान और उससे सटे उत्तरी पंजाब के ऊपर 3।1 किमी की ऊंचाई पर एक पश्चिमी विक्षोभ चक्रवाती परिसंचरण के रूप में सक्रिय है, जिसकी ट्रफ रेखा 70°E देशांतर के साथ 30°N अक्षांश के उत्तर में बनी हुई है।

उत्तर असम पर सिस्टम: उत्तरी असम और आसपास के क्षेत्र में 0।9 किमी की ऊंचाई पर एक ऊपरी हवा का चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है।

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Stock Market Today : बाजार पर आज इन खबरों का दिखेगा असर, कोई ट्रेड लेने से पहले इन पर डाल लें एक नजर

Market news : कच्चे तेल में उछाल से भारतीय बाजारों के सेंटिमेंट कमजोर दिख रहे हैं। गिफ्ट निफ्टी में करीब 60 प्वाइंट का दबाव देखने को मिल रहा है। हालांकि FIIs और ग्लोबल मार्केट से पॉजिटिव संकेत हैं। जापान का बाजार निक्केई दो फीसदी तो कोरिया मार्केट कॉस्पी 6 फीसदी ऊपर है। उधर चिप शेयरों में खरीदारी के बीच US के बाजारों में अच्छी बढ़त दिखी है,सोने-चांदी की भी चमक बढ़ी है।

करेंसी और इक्विटी बाजारों में आज क्या हो रहा है यह जानने के लिए मनीकंट्रोल के साथ बने रहें। यहां हम आपके लिए तमाम समाचार प्लेटफॉर्मों पर चल रही आज की ऐसी अहम खबरों की एक सूची जारी कर रहें हैं जो भारतीय और अंतर्राष्ट्रीय बाजारों को प्रभावित कर सकते हैं।

मार्केट ओवरव्यू

21 जुलाई को उतार-चढ़ाव भरे कारोबार के बीच भारतीय इक्विटी बेंचमार्क लगातार दूसरे दिन गिरावट के साथ बंद हुए। बड़ी प्राइवेट बैंकों में कमजोरी और कच्चे तेल की ऊंची कीमतों का असर,कंपनियों के अच्छे नतीजों और व्यापक बाजार की मजबूती पर भारी पड़ा। बाजार की शुरुआत धीमी रही और बाद में सुबह के कारोबार के दौरान दबाव में आ गया,जिससे निफ्टी गिरकर 24,135.65 के इंट्राडे निचले स्तर पर पहुंच गया। मिडिल ईस्ट में बढ़ते जियोपॉलिटिकल तनाव के बीच कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों को लेकर निवेशक सतर्क रहे। हालांकि,आखिरी घंटे में आई खरीदारी से इंडेक्स को कुछ नुकसान की भरपाई करने और 24,200 के स्तर के आसपास बंद होने में मदद मिली।

कारोबार के अंत में सेंसेक्स 238.41 अंक या 0.31 प्रतिशत गिरकर 77,470.11 पर और निफ्टी 50.80 अंक या 0.21 प्रतिशत गिरकर 24,187.70 पर बंद हुआ।

अमेरिकी बाजार

मंगलवार को वॉल स्ट्रीट के मेन इंडेक्स बढ़त के साथ बंद हुए। इसमें नैस्डैक सबसे आगे रहा। डाऊ जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज 385.38 अंक या 0.74% बढ़कर 52,224.64 पर पहुंच गया, S&P 500 में 65.92 अंक या 0.89% की बढ़त हुई और यह 7,509.20 पर आ गया। वहीं, नैस्डैक कम्पोजिट 329.13 अंक या 1.29% बढ़कर 25,837.21 पर पहुंच गया।

विदेशी निवेशकों की बिकवाली थमी

21 जुलाई को विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) ने 1,650 करोड़ रुपये के भारतीय शेयर खरीदकर लगातार छह सत्रों से चली आ रही बिकवाली का सिलसिला तोड़ दिया। इसके उलट,घरेलू संस्थागत निवेशकों (DIIs) ने लगातार नौ सत्रों से जारी खरीदारी का सिलसिला खत्म किया और 656 करोड़ रुपये के शेयर बेचकर वे नेट सेलर बन गए।

ईरान पर अमेरिका का 11वें दिन हमला, कच्चे तेल में तेजी,ब्रेंट $92 के पार

ईरान पर अमेरिका का 11वें दिन भी हमला जारी रहा। ट्रंप ने ईरान के परमाणु ठिकाने को निशाना बनाने की चेतावनी दी है। तेहरान ने युद्ध का दायरा बढ़ाने का एलान किया है। इधर जंग बढ़ने और हूतियों के रेड सी के नाकेबंदी से कच्चे तेल में उछाल आया है। ब्रेंट 92 डॉलर प्रति बैरल के पार निकल गया है।

Market View : निफ्टी में गिरावट पर खरीदारी की रणनीति करेगी काम, इस कैपिटल मार्केट शेयर में हो सकती है बंपर कमाई

जेनेरिक दवाओं के टैरिफ पर ट्रंप का बड़ा एलान

आज फार्मा सेक्टर के लिए निगेटिव खबर है। अमेरिका में जेनेरिक दवा के इंपोर्ट पर पहले दो साल तक टैरिफ नहीं लगेगा। लेकिन ट्रंप ने तीसरे साल से 100% और चौथे साल से 200% टैरिफ लगाने का एलान किया है। यह टैरिफ स्ट्रक्चर इस साल 1 अगस्त से लागू होगा।

बंधन बैंक Q1: मुनाफा 35% बढ़ा, NIMs फ्लैट

बंधन बैंक में आज दबाव दिख सकता है। कंपनी के नतीजे मिलेजुले रहे हैं। लेकिन मैनेजमेंट की कमेंट्री खराब रही है। पहली तिमाही में बैंक का मुनाफा 35 फीसदी बढ़ा है। NIMs बिलकुल फ्लैट रही है लेकिन कमजोर आउटलुक ने सेंटिमेंट बिगाड़ दिया है। मैनेजमेंट ने रिटर्न ऑन असेट्सका लक्ष्य घटाते हुए कहा है कि आगे मार्जिन पर भी दबाव दिख सकता है।

इंडियन होटल्स का मुनाफा 21% बढ़ा

पहली तिमाही में इंडियन होटल्स का मुनाफा 21% बढ़ा है। रेवेन्यू में भी 15% की बढ़त दिखी है। कंपनी के EBITDA में 17% का उछाल दिखा है। साथ ही मार्जिन में भी हल्का सुधार हुआ है।

DRL, नेस्ले और इटरनल के नतीजे आज, वायदा के नतीजों की लंबी लिस्ट

नतीजों के लिहाज से आज बड़ा दिन है। निफ्टी की तीन कंपनियां डॉ रेड्डीज, इटरनल और नेस्ले के रिजल्ट आएंगे। डॉक्टर रेड्डीज का मुनाफा 53% घट सकता है। मार्जिन पर तगड़ी मार संभव है। साथ ही युनाइटेड स्पिरिट्स,HPCL,BPCL समेत वायदा की नौ कंपनियों के नतीजों का भी इंतजार रहेगा।

GABRIEL INDIA की बड़ी शॉपिंग

Gabriel India,दक्षिण कोरिया की ऑटो एंसिलरी कंपनी HL Mando Anand में करीब 29% हिस्सेदारी खरीदेगी। यह सौदा 2231 करोड़ रुपये में होगा। प्रोमोटर यह शेयर 1305 रुपये प्रति शेयर के भाव पर खरीदेगी।

Petrol Diesel Price Today: आज के पेट्रोल-डीजल के ताजा भाव जारी, जानें आपके शहर का रेट

Petrol Diesel Price Today: हर दिन की शुरुआत सिर्फ सूरज की किरणों से नहीं होती, बल्कि पेट्रोल और डीजल की नई कीमतों से भी होती है, जो आम आदमी की जेब पर सीधा असर डालती हैं। सुबह 6 बजे देश की तेल विपणन कंपनियां (OMCs) ताजा दरें जारी करती हैं, जो अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों और डॉलर-रुपए की विनिमय दर में आए बदलावों पर आधारित होती हैं। ये बदलाव रोजमर्रा की जिंदगी को प्रभावित करते हैं, चाहे वो ऑफिस जाने वाला व्यक्ति हो या फल-सब्जी बेचने वाला व्यापारी।

ऐसे में हर दिन की कीमतों की जानकारी रखना सिर्फ जरूरी ही नहीं, बल्कि समझदारी भी है। सरकार की यह प्रणाली पारदर्शिता सुनिश्चित करती है ताकि उपभोक्ताओं को किसी तरह की भ्रमित जानकारी न मिले।

आपके शहर में आज का पेट्रोल-डीजल का भाव

ये रहे 22 जुलाई 2026 के प्रमुख शहरों के पेट्रोल-डीजल के ताजा रेट —

नई दिल्ली: पेट्रोल ₹102.12 | डीजल ₹95.20

मुंबई: पेट्रोल ₹111.18 | डीजल ₹97.83

कोलकाता: पेट्रोल ₹113.47 | डीजल ₹99.82

चेन्नई: पेट्रोल ₹107.77 | डीजल ₹99.55

गुरुग्राम: पेट्रोल ₹102.77 | डीजल ₹95.44

नोएडा: पेट्रोल ₹102.12 | डीजल ₹95.56

बेंगलुरु: पेट्रोल ₹110.93 | डीजल ₹98.80

भुवनेश्वर: पेट्रोल ₹109.92 | डीजल ₹100.92

चंडीगढ़: पेट्रोल ₹98.10 | डीजल ₹86.09

हैदराबाद: पेट्रोल ₹115.69 | डीजल ₹103.82

जयपुर: पेट्रोल ₹112.66 | डीजल ₹97.78

लखनऊ: पेट्रोल ₹102.05 | डीजल ₹95.55

पटना: पेट्रोल ₹113.35 | डीजल ₹99.36

तिरुवनंतपुरम: पेट्रोल ₹115.49 | डीजल ₹104.40

पिछले दो साल से स्थिर क्यों हैं कीमतें?

मई 2022 के बाद से केंद्र और कई राज्यों द्वारा टैक्स में कटौती की गई, जिसके बाद पेट्रोल-डीजल की कीमतों में स्थिरता देखी जा रही है। हालांकि अंतरराष्ट्रीय बाजार में उतार-चढ़ाव होता रहता है, फिर भी भारतीय उपभोक्ताओं के लिए कीमतें तुलनात्मक रूप से स्थिर बनी हुई हैं।

किन कारणों से तय होती हैं ईंधन की कीमतें?

  1. कच्चे तेल की कीमतें:

पेट्रोल और डीजल का उत्पादन मुख्य रूप से कच्चे तेल से होता है। जब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की कीमतें बढ़ती हैं, तो इसका असर सीधे भारतीय बाजार पर पड़ता है।

  1. डॉलर के मुकाबले रुपया:

भारत अधिकतर कच्चा तेल आयात करता है, और यह डॉलर में खरीदा जाता है। यदि रुपया कमजोर होता है, तो ईंधन महंगा हो जाता है।

  1. सरकारी टैक्स और शुल्क:

केंद्र और राज्य सरकारें पेट्रोल-डीजल पर भारी टैक्स लगाती हैं, जो खुदरा मूल्य का बड़ा हिस्सा होते हैं। यही कारण है कि राज्यों में कीमतों में अंतर होता है।

  1. रिफाइनिंग की लागत:

कच्चे तेल को इस्तेमाल लायक बनाने की प्रक्रिया (रिफाइनिंग) में भी खर्च होता है। ये लागत कच्चे तेल की गुणवत्ता और रिफाइनरी की क्षमता पर निर्भर करती है।

  1. मांग और आपूर्ति का संतुलन:

बाजार में ईंधन की मांग अगर बढ़ जाती है, तो कीमतें भी ऊपर जाने लगती हैं। खासकर त्योहारों, गर्मी या सर्दी के मौसम में ईंधन की खपत ज्यादा होती है।

कैसे करें अपने शहर की कीमतें SMS से चेक?

अगर आप मोबाइल से ईंधन की कीमत जानना चाहते हैं, तो ये प्रक्रिया आसान है:

Indian Oil ग्राहक: अपने शहर का कोड टाइप करें और उसे “RSP” के साथ 9224992249 पर भेजें।

BPCL ग्राहक: “RSP” लिखकर 9223112222 पर भेजें।

HPCL ग्राहक: “HP Price” लिखकर 9222201122 पर भेजें।

अमेरिका ने ईरान के 5 शहरों पर बम बरसाए:लगातार 11वीं रात हमला; जंग में US 3 लाख करोड़ खर्च कर चुका

अमेरिका ने बुधवार तड़के ईरान के पांच शहरों में एक साथ एयर और मिसाइल स्ट्राइक की। ईरानी अधिकारियों के मुताबिक चाबहार, कोनारक, तबरीज, बेहबहान और ओमीदियेह को निशाना बनाया गया। सीजफायर टूटने के बाद यह लगातार 11वीं रात है, जब अमेरिका ने ईरान पर हमला किया है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा कि अमेरिका ईरान के संदिग्ध परमाणु ठिकाने पिकएक्स माउंटेन पर ‘बहुत जल्द और बहुत भारी’ हमला कर सकता है। ट्रम्प की इस चेतावनी के जवाब में ईरान ने कहा कि यदि हमले जारी रहे तो वह क्षेत्र में युद्ध का दायरा और बढ़ा सकता है। इस बीच अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने बताया है कि अब तक इस युद्ध पर अमेरिका का खर्च 37.5 अरब डॉलर (करीब 3.2 लाख करोड़ रुपए) तक पहुंच गया है। अमेरिकी स्ट्राइक का वीडियो… पिछले 24 घंटे के 5 बड़े अपडेट्स… भारत-चीन के टैंकरों ने रास्ता बदला: सऊदी अरब से कच्चा तेल लेकर भारत और चीन जा रहे दो टैंकर हूती विद्रोहियों की धमकी के बाद रेड सी में यू-टर्न लेकर स्वेज नहर की ओर लौट गए। अमेरिका ने माना- ईरानी हमलों में 100 सैनिक घायल: पेंटागन ने स्वीकार किया कि 7 जुलाई के बाद ईरानी हमलों में करीब 100 अमेरिकी सैनिक घायल हुए। इनमें से 96% सैनिक इलाज के बाद ड्यूटी पर लौट चुके हैं। कतर ने ईरान से मुआवजा मांगा: कतर ने संयुक्त राष्ट्र और सुरक्षा परिषद को पत्र भेजकर ईरान को हालिया हमलों और उनसे हुए सभी नुकसान के लिए जिम्मेदार ठहराया और पूरा मुआवजा देने की मांग की। ट्रम्प ने माना- जॉर्डन में एक ईरानी हमला सफल रहा: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने माना कि जॉर्डन में ईरान का एक हमला सफल रहा। हमले में दो अमेरिकी सैनिकों की मौत भी हुई थी। ईरानी गृह मंत्री पाकिस्तान पहुंचे: ईरान के गृह मंत्री एस्कंदर मोमेनी पाकिस्तान पहुंचे और सेना प्रमुख आसिम मुनीर से मुलाकात की। बाद में उन्होंने प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ से भी बातचीत की। ईरान जंग से जुड़े अपडेट्स के लिए नीचे ब्लॉग से गुजर जाइए…