Mausam 4 Sep: आज इन राज्यों में मूसलाधार बारिश! MP में ऑरेंज कलर अलर्ट जारी, जानें दिल्ली-यूपी से लेकर दक्षिण भारत तक के मौसम का हाल

India Weather Update: देश भर में मानसूनी गतिविधियों ने एक बार फिर गति पकड़ ली है और कई राज्यों में बादल जमकर बरस रहे हैं। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 4 सितंबर के लिए मौसम का ताजा पूर्वानुमान जारी करते हुए मध्य भारत से लेकर उत्तर, पूर्वोत्तर और दक्षिण भारत के कई राज्यों में बारिश का अलर्ट जारी किया है। पूर्वोत्तर मध्य प्रदेश और आसपास के क्षेत्रों में बने वेल मार्क्ड लो-प्रेशर एरिया यानी कम दबाव का क्षेत्र के असर के चलते मध्य प्रदेश में बारिश का जोर सबसे अधिक देखने को मिल रहा है। यहां मौसम विभाग ने भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी के साथ ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इसके अलावा उत्तर भारत के पहाड़ी और मैदानी इलाकों समेत देश के 15 से अधिक राज्यों में तेज आंधी, बादलों की गर्जना और भारी बारिश का अंदेशा जताया गया है।

मध्य प्रदेश में ऑरेंज अलर्ट और मध्य भारत की स्थिति

मौसम विभाग के मुताबिक मध्य प्रदेश आज बारिश का मुख्य केंद्र बना हुआ है। राज्य के कई इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश होने के आसार हैं, जिसके चलते यहां ऑरेंज अलर्ट की स्थिति बनी हुई है। मध्य प्रदेश के अलावा पड़ोसी राज्यों छत्तीसगढ़ और विदर्भ में भी अलग-अलग स्थानों पर तेज बादलों की गर्जना और आकाशीय बिजली चमकने के साथ झमाझम बारिश होने की संभावना व्यक्त की गई है। बारिश और बिजली गिरने के इस खतरे को देखते हुए लोगों को खुले क्षेत्रों और जलभराव वाले इलाकों से दूर रहने की हिदायत दी गई है।

दिल्ली-यूपी और उत्तर भारत में मौसम का मिजाज

उत्तर-पश्चिम भारत के अधिकतर हिस्सों में आज बादल छाए रहने और मध्यम से भारी बारिश होने का अनुमान है। दिल्ली, हरियाणा, चंडीगढ़ और पंजाब में अलग-अलग जगहों पर भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है। उत्तर प्रदेश में भी मानसून काफी सक्रिय नजर आ रहा है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भारी बारिश के साथ कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश हो सकती है जबकि पूर्वी उत्तर प्रदेश के इलाकों में मूसलाधार बौछारें पड़ने के संकेत हैं। पहाड़ी राज्यों की बात करें तो उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर-लद्दाख के क्षेत्रों में भारी बारिश के साथ-साथ बिजली कड़कने और पहाड़ी ढलानों पर सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है। राजस्थान में भी पूर्वी हिस्सों में भारी बारिश और तेज हवाएं चलने का अनुमान है।

IMD Weather (3)

पूर्वोत्तर और पूर्वी भारत में मूसलाधार बारिश की चेतावनी

पूर्वी और पूर्वोत्तर भारत में भी मौसम का कड़ा रुख देखने को मिल रहा है। बिहार, झारखंड, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम के इलाकों में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज तूफानी हवाएं चलने, बिजली चमकने और भारी बारिश होने का अलर्ट है। गांगेय पश्चिम बंगाल में भी बारिश और वज्रपात की आशंका बनी हुई है। इसके साथ ही अंडमान एवं निकोबार द्वीप समूह में भी तेज हवाओं के साथ बारिश हो सकती है। पूर्वोत्तर राज्यों में अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में आज अलग-अलग जगहों पर भारी बारिश और बिजली चमकने का अंदेशा है।

दक्षिण और पश्चिमी भारत का वेदर अपडेट

दक्षिण भारत और तटीय इलाकों में मौसमी प्रभाव की बात करें तो तटीय आंध्र प्रदेश, तमिलनाडू, पुडुचेरी और कराईकल में आज अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है। आंध्र प्रदेश, उत्तरी आंतरिक कर्नाटक और तमिलनाडु में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से तूफानी हवाएं चलने और बिजली कड़कने का अलर्ट जारी किया गया है। तेलंगाना और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में भी 30 से 40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। आंध्र प्रदेश, आंतरिक कर्नाटक और तेलंगाना में दिनभर मजबूत सतही हवाएं चलने की उम्मीद है।

पश्चिमी भारत में मध्य महाराष्ट्र के इलाकों में बिजली चमकने और बारिश की संभावना जताई गई है। वहीं समुद्र में मौसम के मिजाज को देखते हुए सोमालिया तट से सटे पश्चिम-मध्य और दक्षिण-पश्चिम अरब सागर में 45 से 55 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और इसके बढ़कर 65 किमी प्रति घंटे तक पहुंचने की संभावना है। इसके चलते मछुआरों को गहरे समुद्र में न जाने की सलाह दी गई है।

बिहार डूबेगा या बचेगा?:नेपाल में दूसरा ग्लेशियर फटने वाला है; 8 दिनों में ऐसा क्या हुआ कि सरकार बोली- हालात गंभीर हैं

बिहार डूबेगा कि बचेगा…नेपाल में आई विनाशकारी बाढ़ के 8 दिन बाद अब हर कोई जानना चाहता है। राज्य की 8 नदियां- गंगा, सोन, पुनपुन, कोसी, गंडक, बुढ़ी गंडक, बागमती और घाघरा खतरे के निशान से ऊपर हैं। दूसरी तरफ नेपाल में दूसरे ग्लेशियर के फटने का अलर्ट जारी कर दिया गया है। ऐसा क्यों कहा जा रहा कि अबकी ग्लेशियर फटा तो पटना सहित 10 शहर डूब जाएंगे, हिमालय की चोटी पर क्या चल रहा है, समझेंगे; बूझे की नाही में…। बिहार की चिंता बढ़ाने वाले 3 बड़े फैक्टर 1. नेपाल में फटने वाला है दूसरा ग्लेशियर चीन के जल संसाधन मंत्रालय की रिपोर्ट के मुताबिक, नेपाल में एक नया ग्लेशियल लेक फटने वाला है। कब फटेगा, इसका सटीक अंदाजा लगाना कठिन है। नया ग्लेशियल लेक लांगटांग लिरुंग हिमालय के पश्चिमी ढलान पर, रसुवा में तेनजिंग के ठीक सामने है। दरअसल… नेपाल से निकलने वाली 7 से 9 बड़ी नदियां बहकर बिहार-UP के मैदानी इलाकों में आती हैं। जब नेपाल के पहाड़ों में भारी बारिश होती है, तो इन्हीं नदियों के जरिए बिहार में बाढ़ का पानी आता है। इसे ऐसे समझिए… केंद्रीय जल आयोग की रिपोर्ट के मुताबिक, कोसी, गंडक, बागमती और घाघरा ही वे नदियां हैं, जो बिहार में बाढ़ लाती हैं। इसलिए अगर अबकी बार ग्लेशियर फटा तो फिर भारी मात्रा में पानी बिहार पहुंचेगा। 2. 8 नदियां उफान पर, दबाव बढ़ा तो टूट जाएंगे बाढ़ ताजा हालात है कि बिहार की आठ नदियां गंगा, सोन, पुनपुन, कोसी, गंडक, बुढ़ी गंडक, बागमती और घघरा खतरे के निशान से ऊपर हैं। 3 सितंबर तक बिहार जल संसाधन विभाग की रिपोर्ट के मुताबिक… वहीं, नेपाल में आई तबाही के दिन 26 अगस्त से 3 सितंबर की सुबह 8 बजे तक बिहार में 3 बैराज से 1.98 करोड़ क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। एक क्यूसेक पानी यानी 28.3 लीटर/प्रति सेकंड। मतलब 56,119.4 करोड़ लीटर/प्रति सेकंड पानी बिहार में 9 दिन के अंदर आ चुका है। मतलब अगर नेपाल में दूसरा ग्लेशियर टूटा तो बिहार में हालात खराब हो जाएंगे। क्योंकि अभी ही नदियों में पानी काफी बढ़ गया है। आगे पानी आने पर तबाही ही मचेगी। 3. नेपाल में बारिश का अलर्ट, नदियों में बढ़ेगा पानी बिहार की सबसे बड़ी चिंता नेपाल में भारी बारिश का अलर्ट है। नेपाल के बाढ़ पूर्वानुमान विभाग के मुताबिक, भोटेकोशी और त्रिशूली नदी फिलहाल चेतावनी स्तर से नीचे बह रही हैं, फिर भी रसुवा और नुवाकोट में अचानक बाढ़ आने की ज्यादा संभावना है। दोनों जिलों में भोटेकोशी, त्रिशूली और छोटी नदियों का जलस्तर काफी बढ़ सकता है, जिससे अचानक बाढ़ आने का भारी खतरा है। वहीं, नेपाल के मौसम विभाग ने अगले तीन दिनों यानी 6 सितंबर तक भारी बारिश की चेतावनी दी है। नेपाल के जल संसाधन विभाग ने कहा कि कोशी बेसिन की सप्तकोशी, तमोर, अरुण, दूधकोशी, तामाकोशी और सुनकोशी तथा नारायणी बेसिन की नारायणी, त्रिशूली, बूढ़ी गंडकी, मर्स्यांगदी, सेती और काली गंडकी जैसी प्रमुख नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ सकता है। विभाग ने नेपाल की छोटी नदियों में पानी बढ़ने की भी बातें कही है। इधर… पटना मौसम विज्ञान केंद्र के मुताबिक, 5 सितंबर तक पूरे बिहार में बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। पूर्वी चंपारण, पश्चिम चंपारण, गोपालगंज और सीवान जिलों में भारी बारिश की चेतावनी दी गई है। जबकि, पटना, नालंदा, जहानाबाद, नवादा, गया, लखीसराय, शेखपुरा और बेगूसराय में बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। …तो क्या बड़े शहर भी डूब सकते हैं? बिल्कुल। राज्य की नदियों में बढ़ते पानी से 13 जिले दरभंगा, मधुबनी, पश्चिम चंपारण, कटिहार, मधेपुरा, पूर्णिया, सहरसा, खगड़िया, वैशाली, बेगूसराय, भागलपुर, समस्तीपुर, मुंगेर प्रभावित हैं। बिहार के आपदा प्रबंधन विभाग ने 3 सितंबर की शाम अलर्ट जारी करते हुए कहा कि पटना में गंगा नदी हाई फ्लड लेबल को क्रास करने वाली है। इसलिए सभी पदाधिकारी और लोग अलर्ट रहें। निचले इलाकों को बचाने के लिए तुरंत तैयारी में जुट जाएं। विभाग ने कहा है कि दक्षिण बिहार की सोन, पुनपुन, दरधा में बढ़ते पानी को देखते हुए नालंदा, भोजपुर, वैशाली, सारण, बेगूसराय, लखीसराय और जहानाबाद में लोगों की परेशानी बढ़ सकती है। मतलब साफ है कि अगर नेपाल से और पानी आया तो बिहार के कम से कम 10 से ज्यादा शहर डूब सकते हैं। जिसमें राजधानी पटना भी शामिल हो सकता है। ऐसा पहले भी हो चुका है…

यूपी का राजनीतिक भविष्यफल!

यूपी का राजनीतिक भविष्यफल!

क्या आप उत्तर प्रदेश से हैं? किसी राजनीतिक दल से आगामी विधानसभा चुनाव के लिए टिकटार्थी हैं? अगर हां, तो आपको किसी विरहन की तरह भादों की रातें भारी लगेंगी। 

 

क्वार में आसमान साफ होने तक आपकी स्थिति कुछ हद तक साफ होगी। फिर भी मुकम्मल तौर पर कुछ कहना मुश्किल है। इसलिए देवताओं की परिक्रमा करते रहिए। अपनी श्रद्धा के अनुसार दान-दक्षिणा भी देते रहिए।

 

त्रेता में बारिश के बाद ही लंका कांड हुआ था। भगवान श्रीराम उत्तर प्रदेश के अयोध्या से ही थे। अब कलयुग में इस बार उत्तर प्रदेश में क्या होगा, कहना संभव नहीं। सब कुछ रामजी की मर्जी पर है। अपने मंदिर के चढ़ावे की कथित चोरी से वह खुश हैं या नाराज, यह वक्त बताएगा।

 

हर दौर की तरह इस बार भी विभीषणों की चांदी रहेगी। इन दिनों विभीषण कुछ ज्यादा ही हैं, इसलिए मिलेंगे भी खूब। 

लेकिन ध्यान रखिए—ये त्रेता वाले विभीषण नहीं, कलयुग के विभीषण हैं। इनकी निष्ठा संदिग्ध रहेगी। ये विपक्ष यानी रावण का साथ छोड़कर आपके साथ आएं, यह जरूरी नहीं। मौका मिला तो आपको ही मरवाने की भूमिका में भी नजर आ सकते हैं। इसलिए इनसे दोस्ती करते समय सावधानी जरूरी है।

 

सावन-भादों में बारिश अच्छी हुई है और सिलसिला अभी जारी है। इससे मौसमी नेताओं यानी ‘मेंढकों’  की खुशी का ठिकाना नहीं। इनकी टर्र-टर्र अभी और बढ़ेगी। हालांकि इस पर बहुत ध्यान देने की जरूरत नहीं, क्योंकि टर्राना मेंढकों का स्वभाव है और मौसम बदलते ही इनकी आवाज भी बदल जाएगी।

 

भादों मौसम के बदलाव का प्रतीक है। कुछ दिनों में मानसून की वापसी शुरू होगी। उत्तर प्रदेश में भी राजनीतिक मौसम बदलेगा या नहीं, फिलहाल मुकम्मल तौर पर कुछ कहना मुश्किल है।

 

ग्लोबल वार्मिंग ने मौसम को जितना अप्रत्याशित बनाया है, उससे कहीं ज्यादा चुनावी राजनीति ने सियासी मौसम को। देश के सबसे बड़े सूबे में अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव को देखते हुए बढ़ता चुनावी तापमान आने वाले दिनों को और अस्थिर बनाएगा। 

 

इसलिए थोड़ा दिल थामकर इंतजार करिए। आने वाले दिनों में कई चेहरे बदलेंगे, कई मौसम बदलेंगे और कई भविष्यफल गलत साबित होंगे। लेकिन तब तक एक काम जरूर कर लीजिए—SIR के बाद यह जरूर देख लीजिए कि आप मतदाता हैं भी या नहीं!

Tibet Earthquake : भीषण बाढ़ की तबाही के बाद नेपाल पर एक और मुसीबत, हिमालयी क्षेत्र में क्यों मंडरा रहा है खतरा

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Nepal flood

Tibet Earthquake : नेपाल और तिब्बत में ग्लेशियर आपदा के बाद आई विनाशकारी बाढ़ के बीच गुरुवार को तिब्बत में 5.0 तीव्रता का भूकंप आया। भारत के नेशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी (NCS) के मुताबिक, भूकंप का केंद्र उत्तराखंड के जोशीमठ से करीब 128 किलोमीटर उत्तर-पूर्व में था। भूकंप के बाद फिलहाल किसी तरह के जान-माल के नुकसान की जानकारी सामने नहीं आई है। अधिकारियों की ओर से नुकसान का आकलन किया जा रहा है।

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नेपाल में बाढ़ के बीच आया भूकंप

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तिब्बत में भूकंप ऐसे समय आया है, जब हिमालयी क्षेत्र पहले से ही एक बड़ी ग्लेशियर आपदा के बाद आई भीषण बाढ़ से जूझ रहा है। इस आपदा का असर तिब्बत और नेपाल के कई इलाकों में देखने को मिला है। ताजा अपडेट के मुताबिक, इस आपदा में मृतकों की संख्या बढ़कर 1,252 हो गई है, जबकि कम से कम 4,216 लोग अब भी लापता बताए जा रहे हैं। बाढ़ और ग्लेशियर से जुड़ी इस आपदा ने हिमालयी क्षेत्र में बड़े पैमाने पर तबाही मचाई है।

 

5.0 तीव्रता के भूकंप का क्या मतलब है?

 

NCS के अनुसार, तिब्बत में आए भूकंप की तीव्रता 5.0 थी। इस तीव्रता के भूकंप को सामान्यतः मध्यम श्रेणी का भूकंप माना जाता है। इस तरह के भूकंप में इमारतों में स्पष्ट कंपन महसूस किया जा सकता है। कमजोर या खराब निर्माण वाली इमारतों को मामूली से मध्यम नुकसान पहुंच सकता है, जबकि अच्छी तरह से निर्मित संरचनाएं आम तौर पर गंभीर संरचनात्मक क्षति से बची रहती हैं।

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सिर्फ 10 किलोमीटर गहराई में आया भूकंप

 

नेशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी के मुताबिक, भूकंप का केंद्र जमीन के अंदर करीब 10 किलोमीटर की गहराई में था। कम गहराई वाले भूकंपों को अपेक्षाकृत ज्यादा नुकसानदायक माना जाता है, क्योंकि भूकंपीय ऊर्जा को सतह तक पहुंचने के लिए कम दूरी तय करनी पड़ती है। इस वजह से ऊर्जा रास्ते में कम कमजोर होती है और सतह पर झटके ज्यादा महसूस किए जा सकते हैं।

 

हिमालयी क्षेत्र में लगातार बनी हुई चिंता

 

तिब्बत में आए इस भूकंप ने हिमालयी क्षेत्र में जारी प्राकृतिक आपदाओं के बीच चिंता बढ़ा दी है। हाल ही में ग्लेशियर आपदा के बाद तिब्बत और नेपाल में आई बाढ़ ने भारी तबाही मचाई है। ऐसे में भूकंप और अन्य प्राकृतिक घटनाओं पर भारत, नेपाल और तिब्बत के अधिकारियों की नजर बनी हुई है। फिलहाल तिब्बत में आए 5.0 तीव्रता के भूकंप से किसी बड़े नुकसान की पुष्टि नहीं हुई है।

MP समेत इन राज्यों में भी बरसेंगे बादल, IMD Weather Forecast- यूपी-दिल्ली-NCR में भारी बारिश का अलर्ट

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rain update 8 july

MD Weather Forecast September 4 : देश के कई हिस्सों में मानसून एक बार फिर सक्रिय होने वाला है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 4 सितंबर को उत्तर प्रदेश, दिल्ली-NCR, मध्य प्रदेश, उत्तराखंड और पूर्वोत्तर भारत के कई हिस्सों में बारिश और गरज-चमक को लेकर चेतावनी जारी की है। कुछ इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है।

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मौसम विभाग के मुताबिक सक्रिय निम्न दबाव वाले सिस्टम के प्रभाव से पूर्वी मध्य प्रदेश, उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। वहीं दिल्ली-NCR, पंजाब, हरियाणा और राजस्थान में हल्की से मध्यम बारिश के साथ गरज-चमक देखने को मिल सकती है।

 

उत्तर प्रदेश में भारी बारिश और आंधी का अलर्ट

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4 सितंबर को उत्तर प्रदेश के कई इलाकों में मानसून सक्रिय रहने की संभावना है। प्रदेश में कई स्थानों पर भारी बारिश के साथ गरज और बिजली चमकने की स्थिति बन सकती है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना जताई गई है। वहीं पूर्वी उत्तर प्रदेश में भी कुछ स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है। मौसम विभाग के अनुसार उत्तर प्रदेश और आसपास के क्षेत्रों में बारिश का दौर आने वाले दिनों में भी जारी रह सकता है।

 

दिल्ली-NCR में फिर होगी बारिश

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दिल्ली-NCR के लोगों को 4 सितंबर को एक बार फिर बारिश का सामना करना पड़ सकता है। मौसम विभाग ने राजधानी और आसपास के इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश के साथ गरज-चमक का अनुमान जताया है। दिल्ली के अलावा पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ में भी बारिश होने की संभावना है। बारिश और तेज हवाओं के कारण तापमान में गिरावट देखने को मिल सकती है।

 

मध्य प्रदेश में भारी से बहुत भारी बारिश

 

मध्य प्रदेश में भी मानसून की सक्रियता बनी रहने की संभावना है। IMD के मुताबिक पूर्वी मध्य प्रदेश के कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश के साथ कहीं-कहीं अत्यंत भारी बारिश हो सकती है।

 

पश्चिमी मध्य प्रदेश में भी अलग-अलग स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश का अनुमान है। पश्चिमी और पूर्वी मध्य प्रदेश में 3 से 5 सितंबर के बीच गरज-चमक और बहुत भारी बारिश को लेकर अलर्ट जारी किया गया है। मध्य प्रदेश के अलावा विदर्भ और छत्तीसगढ़ में भी 9 सितंबर तक व्यापक बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है।

 

उत्तराखंड और हिमाचल में भी भारी बारिश

 

उत्तराखंड में 4 सितंबर को भारी बारिश की संभावना है। पहाड़ी क्षेत्रों में बारिश के साथ अचानक तेज बारिश होने से स्थानीय स्तर पर परेशानी बढ़ सकती है। हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर में भी अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश का अनुमान है। ऐसे में पहाड़ी क्षेत्रों में रहने वाले लोगों और यात्रा करने वालों को मौसम की स्थिति पर नजर रखने की सलाह दी जाती है।

 

बिहार और पूर्वोत्तर राज्यों में भी बारिश

 

बिहार में अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश की संभावना जताई गई है। इसके अलावा अरुणाचल प्रदेश में भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में भी अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश की चेतावनी है। पश्चिम बंगाल और सिक्किम में भी भारी बारिश होने की संभावना है।

 

राजस्थान, पंजाब और हरियाणा में कैसा रहेगा मौसम?

 

राजस्थान के कुछ हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। पंजाब और हरियाणा में भी बारिश के साथ गरज-चमक की संभावना है। मौसम विभाग के मुताबिक राजस्थान, उत्तर प्रदेश, पंजाब, हरियाणा और दिल्ली में बारिश का दौर 9 सितंबर तक अलग-अलग स्थानों पर जारी रह सकता है।

 

दक्षिण भारत में भी बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट

 

दक्षिणी प्रायद्वीपीय भारत के राज्यों में अलग-अलग स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। तटीय कर्नाटक और लक्षद्वीप में व्यापक बारिश की संभावना है आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, रायलसीमा और तेलंगाना में गरज-चमक के साथ 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक की तेज हवाएं चल सकती हैं। मौसम विभाग ने इन क्षेत्रों में लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी है।

 

4 सितंबर को किन राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट?

 

IMD के पूर्वानुमान के अनुसार 4 सितंबर को इन क्षेत्रों में भारी बारिश की संभावना है:

 

  • पूर्वी मध्य प्रदेश: भारी से बहुत भारी और कुछ स्थानों पर अत्यंत भारी बारिश
  • पश्चिमी मध्य प्रदेश: भारी से बहुत भारी बारिश
  • पश्चिमी उत्तर प्रदेश: भारी से बहुत भारी बारिश
  • अरुणाचल प्रदेश: भारी से बहुत भारी बारिश
  • जम्मू-कश्मीर: भारी बारिश
  • हिमाचल प्रदेश: भारी बारिश
  • उत्तराखंड: भारी बारिश
  • पंजाब: भारी बारिश
  • हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली: भारी बारिश
  • पूर्वी उत्तर प्रदेश: भारी बारिश
  • पूर्वी राजस्थान: भारी बारिश
  • छत्तीसगढ़: भारी बारिश
  • विदर्भ: भारी बारिश
  • बिहार: भारी बारिश
  • पश्चिम बंगाल और सिक्किम: भारी बारिश
  • असम और मेघालय: भारी बारिश
  • नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा: भारी बारिश

कल का मौसम: 4 सितंबर को इन इलाकों में नहीं थमेगी बारिश! MP में बहुत भारी बारिश संग दिल्ली-UP समेत कई राज्यों में अलर्ट

Weather Update for September 4: देश के कई हिस्सों में मानसून एक बार फिर पूरी रफ्तार से बरस रहा है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के पूर्वानुमान के मुताबिक 4 सितंबर को देश के कई राज्यों में बारिश का सिलसिला थमने का नाम नहीं लेगा। मध्य प्रदेश समेत उत्तर भारत, पूर्वोत्तर भारत और पूर्वी राज्यों में मूसलाधार बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। इसके साथ ही देश के तटीय और दक्षिणी हिस्सों में तेज तूफानी हवाएं और बिजली कड़कने की चेतावनी दी गई है।

मध्य प्रदेश में अति भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट

मध्य प्रदेश के लोगों को 4 सितंबर को मौसम के कड़े मिजाज का सामना करना पड़ सकता है। मौसम विभाग ने मध्य प्रदेश के अलग-अलग इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश होने की चेतावनी दी है। इसके साथ ही राज्य में बारिश के दौरान कुछ जगहों पर बादलों की गरज के साथ बिजली गिरने की भी आशंका जताई गई है। प्रशासन ने लोगों को जलभराव और नदी-नालों के उफान से सतर्क रहने की सलाह दी है।

दिल्ली, यूपी, पंजाब-हरियाणा और उत्तराखंड का मौसम

उत्तर भारत के मैदानी और पहाड़ी राज्यों में 4 सितंबर को झमाझम बारिश होने के आसार हैं। दिल्ली, हरियाणा और चंडीगढ़ में 4 सितंबर को भारी बारिश की संभावना जताई गई है। वहीं पश्चिमी उत्तर प्रदेश, पंजाब और पूर्वी राजस्थान में भी कुछ स्थानों पर तेज बारिश का दौर जारी रहेगा। राजस्थान में बारिश के साथ 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और बिजली चमकने का अलर्ट है।

पहाड़ी राज्यों की बात करें तो उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर-लद्दाख के क्षेत्रों में भारी बारिश का अनुमान है। उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर में बारिश के साथ-साथ तेज हवाएं और बिजली गिरने की घटनाएं हो सकती हैं।

पूर्वोत्तर और पूर्वी भारत: बिहार और बंगाल में बारिश का अलर्ट

पूर्वी और पूर्वोत्तर भारत में भी मौसम का असर खासा देखने को मिलेगा। बिहार, पश्चिम बंगाल और सिक्किम में 4 सितंबर को भारी बारिश होने की संभावना जताई गई है। बिहार, झारखंड और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल में बारिश के दौरान 30 से 40 किमी प्रति घंटे की गति से तेज हवाएं चलने और आकाशीय बिजली चमकने की चेतावनी जारी की गई है। गांगेय पश्चिम बंगाल में भी गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने के आसार हैं।

पूर्वोत्तर के राज्यों में अरुणाचल प्रदेश, असम और मेघालय के साथ-साथ नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में कल भारी बारिश का अनुमान लगाया गया है। इन सभी राज्यों में बिजली गिरने और गरज के साथ बारिश होने की आशंका बनी हुई है।

दक्षिण और पश्चिमी भारत में तेज हवाओं का प्रकोप

दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत में बारिश के साथ-साथ तेज सतही हवाओं की चेतावनी दी गई है। आंध्र प्रदेश और उत्तरी आंतरिक कर्नाटक के अलग-अलग इलाकों में 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज तूफानी हवाएं चलने और आकाशीय बिजली कड़कने का अलर्ट है। तेलंगाना, दक्षिण आंतरिक कर्नाटक और अंडमान एवं निकोबार द्वीप समूह में 30 से 40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने की उम्मीद है। आंध्र प्रदेश, तेलंगाना और आंतरिक कर्नाटक के इलाकों में दिनभर तेज सतही हवाएं चलती रहेंगी।

करपुरहत

पश्चिम भारत के मध्य महाराष्ट्र और विदर्भ क्षेत्रों में भी कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश और बिजली गिरने का अनुमान है। इसके अलावा अरब सागर में सोमालिया तट से लगे पश्चिम-मध्य और दक्षिण-पश्चिम हिस्सों में 45 से 55 किमी प्रति घंटे की गति से हवाएं चल सकती हैं। इनकी स्पीड बढ़कर 65 किमी प्रति घंटे तक पहुंच सकती हैं।

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Happy Janmashtami 2026 Wishes: राधा-कृष्ण के प्रेम से सजे 20+ संदेश और शायरियां, अपनों के साथ जरूर करें शेयर

Happy Janmashtami 2026 Wishes: जन्माष्टमी का पर्व भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव के रूप में पूरे देश में श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया जाता है। यह दिन भक्ति के साथ-साथ अपनों के साथ खुशियां बांटने और रिश्तों में मिठास घोलने का भी अवसर देता है। जन्माष्टमी के मौके पर लोग अपने परिवार, दोस्तों और रिश्तेदारों को शुभकामनाएं भेजकर उनके जीवन में सुख, शांति और समृद्धि की कामना करते हैं। अगर आप भी इस पावन अवसर पर अपने करीबियों को कुछ खास और दिल छू लेने वाले संदेश भेजना चाहते हैं, तो खूबसूरत शुभकामनाएं और शायरियां आपके लिए बेहतर विकल्प हो सकती हैं।

इन संदेशों के जरिए आप अपने मन की भावनाओं को आसानी से अपनों तक पहुंचा सकते हैं। चाहे संदेश छोटा हो या भावनाओं से भरा, सच्चे मन से भेजी गई शुभकामनाएं रिश्तों को और मजबूत बनाती हैं। इस जन्माष्टमी अपने प्रियजनों के साथ खुशियां बांटें और उन्हें ये प्यारे संदेश भेजकर त्योहार की खुशी को और खास बनाएं।

जन्माष्टमी के 10 शुभकामना संदेश

1.श्रीकृष्ण की कृपा से आपके जीवन में सुख, शांति और समृद्धि बनी रहे। जन्माष्टमी की हार्दिक शुभकामनाएं।

2. नटखट नंदलाल आपके जीवन से सभी दुख दूर करें और खुशियों से आपकी झोली भर दें। जय श्रीकृष्ण!

3. कान्हा की बांसुरी की मधुर धुन आपके जीवन में प्रेम और खुशियां लेकर आए। आपको और आपके परिवार को जन्माष्टमी की शुभकामनाएं।

4. भगवान श्रीकृष्ण आपके हर कदम पर सफलता दें और जीवन को खुशियों से भर दें। जन्माष्टमी के पावन पर्व की बधाई

5. मुरली मनोहर की कृपा आप और आपके परिवार पर हमेशा बनी रहे। प्रेम, शांति और खुशियों से भरी जन्माष्टमी की शुभकामनाएं।

6. कान्हा आपके घर में सुख-समृद्धि लाएं और आपके जीवन की हर परेशानी दूर करें। जन्माष्टमी की ढेरों शुभकामनाएं।

7. श्रीकृष्ण के आशीर्वाद से आपके जीवन में नई उम्मीद, नई ऊर्जा और खुशियों का संचार हो। जय श्रीकृष्ण!

8. राधा-कृष्ण के प्रेम की तरह आपके रिश्तों में भी हमेशा मिठास और अपनापन बना रहे। जन्माष्टमी की हार्दिक बधाई।

9. गोविंद आपके जीवन के सभी संकट हर लें और आपको हर क्षेत्र में सफलता प्रदान करें। जन्माष्टमी की शुभकामनाएं।

10. इस जन्माष्टमी कान्हा आपके घर खुशियों की सौगात लेकर आएं और परिवार में प्रेम व शांति बनाए रखें। जय श्रीकृष्ण!

जन्माष्टमी की शायरियां

janmashtmi

1. कान्हा की बांसुरी की धुन सुनाई दे,

हर दिल में प्रेम की मिठास दिखाई दे।

जन्माष्टमी का पावन पर्व लाए खुशियां हजार,

हर चेहरे पर सदा मुस्कान दिखाई दे।

2. मटकी की मिठास, माखन का स्वाद,

कान्हा के आशीर्वाद से खुश रहे आपका परिवार।

3. राधा के प्रेम में रंग जाए जीवन,

कृष्ण की भक्ति में महके हर मन।

जन्माष्टमी का पर्व लाए खुशियां अपार,

कान्हा बनाए जीवन खुशहाल।

4. नंद के घर फिर आए नंदलाल,

खुशियों से भर दें सबका हाल।

कान्हा की कृपा बनी रहे हर पल,

यही है हमारी दिल से शुभकामना आज और कल।

janmashtmi (1)

5. मुरली की धुन में ऐसा रंग जाएं,

कान्हा के प्रेम में हम मुस्कुराएं।

हर गम जीवन से दूर हो जाए,

जन्माष्टमी खुशियों की सौगात लाए।

6. कृष्ण नाम की ज्योति जलाते रहें,

हर मुश्किल में मुस्कुराते रहें।

कान्हा की कृपा मिले हर कदम पर,

जीवन में खुशियों के फूल खिलाते रहें।

7. माखन चुराने वाला प्यारा कान्हा,

सबके जीवन का सहारा कान्हा।

आपके घर भी खुशियां लाए,

ऐसा है हमारा प्यारा कान्हा।

8. राधा-कृष्ण का प्रेम मिले,

जीवन को नई उमंग मिले।

हर दिन खुशियों से भर जाए,

कान्हा का ऐसा आशीर्वाद मिले।

9. जिस घर में कृष्ण का नाम होता है,

वहां खुशियों का पैगाम होता है।

कान्हा की कृपा जिस पर हो जाए,

उसका जीवन खुशहाल होता है।

10. नंदलाला की कृपा हो जाए,

हर मुश्किल आसान हो जाए।

चेहरे पर मुस्कान बनी रहे,

जीवन खुशियों से भर जाए।

janmashtmi (2)

11. कान्हा की बंसी बजती रहे,

दिल में भक्ति सजती रहे।

दूर रहें जीवन से सारे गम,

खुशियों की बारिश होती रहे हर दम।

 

12. कृष्ण की भक्ति में मन रम जाए,

हर दुख जीवन से दूर हो जाए।

कान्हा का आशीर्वाद मिले इतना,

हर सपना आपका पूरा हो जाए।

13. मुरली वाले की मुरली की तान,

भर दे जीवन में खुशियों की जान।

कान्हा के चरणों में मिले सम्मान,

जन्माष्टमी पर यही अरमान।

14. कान्हा की लीला न्यारी है,

हर भक्त को उनसे प्यारी है।

जिस पर हो जाए कृपा उनकी,

उसकी दुनिया खुशियों से भारी है।

15. श्याम की भक्ति, राधा का प्यार,

मुबारक हो आपको जन्माष्टमी का त्योहार।

कान्हा रखें सदा खुश आपको,

यही दुआ है दिल से बार-बार।

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Abhinandan Varthaman: पाकिस्तानी फाइटर जेट गिराने वाले एयरफोर्स के पूर्व ग्रुप कैप्टन अभिनंदन वर्धमान ने IAF छोड़ी, अब गोवा के इस एयरलाइन से जुड़े

Abhinandan Varthaman: पाकिस्तानी जेट गिराने वाले इंडियन एयर फोर्स (IAF) के फाइटर पायलट और पूर्व ग्रुप कैप्टन अभिनंदन वर्धमान ने भारतीय वायुसेना से समय से पहले ही रिटायरमेंट ले लिया है। अब वह गोवा के एक प्राइवेट एयरलाइन में कमर्शियल पायलट के तौर पर अपना नया एविएशन करियर शुरू कर रहे हैं। वर्धमान को फरवरी 2019 में पाकिस्तान एयरफोर्स के फाइटर जेट के साथ हवाई लड़ाई में अपना विमान गिराए जाने के बाद पाकिस्तान में तीन दिनों तक बंधक बनाकर रखा गया था।

करीब दो दशक इंडियन एयरफोर्स में सेवा देने के बाद यह अभिनंदन के करियर की नई पारी है। अभिनंदन 27 फरवरी 2019 को पाकिस्तानी फाइटर जेट F-16 गिराने के बाद भारत समेत दुनियाभर में सुर्खियों में आए थे। न्यूज एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, अभिनंदन अब पायलट के तौर पर रीजनल एयरलाइन FLY91 से जुड़ गए हैं।

कॉमर्शियल यात्री विमान के पायलट होंगे

सूत्रों ने बताया कि यहां वे कॉमर्शियल यात्री विमान के पायलट होंगे। सूत्रों ने बताया कि ‘वीर चक्र’ से सम्मानित वर्तमान अगस्त में गोवा की एयरलाइन FLY91 में पायलट के तौर पर शामिल हुए। 2019 में पाकिस्तान के साथ हवाई संघर्ष के बाद वर्धमान चर्चा में आए थे। उस हवाई लड़ाई के दौरान उन्होंने पाकिस्तान के एक फाइटर जेट को मार गिराया था। इसके बाद उन्हें तीन दिनों तक पाकिस्तान में हिरासत में रखा गया था।

‘वीर चक्र’ से सम्मानित

उन्हें 2021 में ‘वीर चक्र’ से सम्मानित किया गया था, जो युद्ध के समय वीरता के लिए भारत का तीसरा सबसे बड़ा सम्मान है। इस सम्मान के लिए जारी प्रशस्ति पत्र में हवाई संघर्ष के दौरान उनके “कर्तव्य के प्रति असाधारण समर्पण” को सराहा गया था। FLY91 के प्रवक्ता ने इस मामले पर टिप्पणी करने से इनकार कर दिया।

उन्होंने पीटीआई से कहा कि किसी कर्मचारी की निजी जानकारी एक निजी मामला है। एयरलाइन में वर्तमान की भूमिका के बारे में और जानकारी तुरंत उपलब्ध नहीं हो सकी। गोवा स्थित FLY91 ने मार्च 2024 में अपना कामकाज शुरू किया था। इसके बेड़े में अभी छह ATR 72-600 विमान हैं। यह दो बेस गोवा और हैदराबाद से अपनी सेवाएं देती है।

अभिनंदन वर्धमान के बारे में बड़ी बातें

  • फरवरी 2019 में पुलवामा में आत्मघाती बम धमाके में सेंट्रल रिजर्व पुलिस फोर्स (CRPF) के 40 जवानों की मौत के बाद भारतीय सेना ने पाकिस्तानी इलाके में आतंकवादियों के खिलाफ एयर स्ट्राइक की थी। नई दिल्ली ने कहा कि स्ट्राइक में बालाकोट में जैश-ए-मोहम्मद (JeM) ग्रुप के ट्रेनिंग कैंप को निशाना बनाया गया था।
  • अगले दिन पाकिस्तान एयरफोर्स की जवाबी कार्रवाई से दोनों परमाणु बम से लैस दो पड़ोसियों के बीच युद्ध का डर पैदा हो गया था। इस टकराव का सबसे चर्चित चेहरा विंग कमांडर वर्धमान थे। उनके MiG-21 फाइटर जेट को गिराए जाने के बाद पाकिस्तान द्वारा उन्हें पकड़ लिए जाने से दशकों में दोनों पड़ोसियों के बीच सबसे गंभीर सैन्य संकट पैदा हो गया था।
  • 27 फरवरी 2019 को अपना जेट हिट होने से पहले वर्धमान  ने पाकिस्तान के F-16 फ़ाइटर जेट को मार गिराया था। उस समय विंग कमांडर रहे वर्धमान को तीन दिनों तक बंधक बनाकर रखा गया था। 1 मार्च की रात को पाकिस्तान ने उन्हें रिहा कर दिया था।
  • हवाई लड़ाई के दौरान अपने मिग-21 बाइसन से बाहर निकलते समय वर्धमान को चोटें आई थीं। बाद में उसी साल डॉगफाइट के दौरान “असाधारण कर्तव्य-निष्ठा” दिखाने के लिए उन्हें भारत के युद्ध-समय के तीसरे सबसे बड़े वीरता पुरस्कार ‘वीर चक्र’ से सम्मानित किया गया। अभी यह साफ नहीं हो पाया है कि वर्धमान ने समय से पहले रिटायरमेंट क्यों लिया।

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Raghav Chadha SIR Row: ‘दिल्ली वोटर लिस्ट में नाम जुड़वाने की कोशिश’; राघव चड्ढा के पंजाब ड्राफ्ट लिस्ट विवाद में नया मोड़, AAP का बड़ा आरोप

Raghav Chadha SIR Row: पंजाब की ड्राफ्ट वोटर लिस्ट में अपना नाम ‘शिफ्टेड’ (दूसरी जगह चले गए) बताए जाने के बाद भारतीय जनता पार्टी (BJP) के राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा और आम आदमी पार्टी (AAP) के बीच सियासी घमासान तेज हो गया है। चड्ढा ने आरोप लगाया है कि पंजाब की AAP सरकार ने राजनीतिक बदले की भावना से उनका नाम वोटर लिस्ट से हटाया है। वहीं, AAP ने पलटवार करते हुए आरोप लगाया है कि राघव चड्ढा दिल्ली में अपना नाम वोटर लिस्ट में रजिस्ट्रेशन कराने की कोशिश कर रहे थे।

आम आदमी पार्टी ने अपने पूर्व सहयोगी पर आरोप लगाया कि इसके लिए चड्ढा ने कथित तौर पर बैकडेटेड प्रोसेस” (पुरानी तारीख वाली प्रक्रिया) का सहारा लिया गया। पार्टी का कहना है कि अब चड्ढा अपनी ही स्थिति का ठीकरा AAP और पंजाब सरकार पर फोड़ रहे हैं।

हालांकि, चुनाव आयोग के एक सीनियर अधिकारी ने दिल्ली की वोटर लिस्ट में चड्ढा का नाम शामिल करने के लिए पर्दे के पीछे की किसी भी कोशिश के दावों को खारिज करते हुए पीटीआई से कहा, “ऐसा कोई कदम नहीं उठाया गया और न ही उठाया जा रहा है।” आपको बता दें कि चड्ढा ने अप्रैल में AAP छोड़कर भारतीय जनता पार्टी (BJP) जॉइन की थी।

क्या है पूरा विवाद?

पंजाब में स्पेशल इंटेंसिव रिविजन (SIR) प्रोसेस के बाद तैयार की गई वोटर लिस्ट के ड्राफ्ट में राघव चड्ढा के नाम के आगे “शिफ्टेड” स्टेटस दर्ज किया गया है। पंजाब से राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने गुरुवार को कहा कि वोटर लिस्ट के ड्राफ्ट में उनके नाम के आगे शिफ्टेड (यानी कहीं और चले गए) लिखा गया है। जबकि उनका वोटर ID मोहाली में रजिस्टर्ड है। उन्होंने आरोप लगाया कि आम आदमी पार्टी (AAP) की सरकार राजनीतिक बदले की भावना से चुनावी मशीनरी का इस्तेमाल कर रही है।

X पर एक पोस्ट में चड्ढा ने कहा, “पंजाब में AAP सरकार अब बदले की राजनीति को वोटर लिस्ट के ड्राफ्ट तक ले आई है। मैं पंजाब से राज्यसभा सांसद हूं और मेरा वोटर ID पंजाब के मोहाली में रजिस्टर्ड है। इसके बावजूद वोटर लिस्ट के ड्राफ्ट में मेरे नाम के आगे ‘शिफ्टेड’ लिखा गया है।” उन्होंने आरोप लगाया, “यह सिर्फ क्लर्क की गलती नहीं लगती। यह साफ तौर पर राजनीतिक बदले की भावना का मामला है।” चड्ढा ने कहा कि वह SIR गाइडलाइंस के तहत उपलब्ध उपायों का इस्तेमाल कर रहे हैं।

‘शिफ्टेड किसने मार्क किया’?

चड्ढा ने आगे कहा, “अच्छी बात यह है कि यह सिर्फ एक ड्राफ्ट लिस्ट है, फाइनल वोटर लिस्ट नहीं। ‘दावे और आपत्तियों’ (claims and objections) की प्रक्रिया के दौरान सुधार किए जा सकते हैं, जो अभी चल रही है। फाइनल वोटर लिस्ट अक्टूबर में जारी की जाएगी। मैं पहले से ही SIR गाइडलाइंस के तहत उपलब्ध उपायों का इस्तेमाल करने की प्रक्रिया में हूं।” उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि उन्हें “शिफ्टेड” किसने मार्क किया? इस क्लासिफिकेशन को किसने वेरिफाई किया और ऊंचे लेवल पर इसे किसने मंजूरी दी?

पंजाब अधिकारियों पर लगाया आरोप

उन्होंने आरोप लगाया कि इस प्रक्रिया में पंजाब सरकार के अधिकारी शामिल थे। चड्ढा ने आरोप लगाया, “मुझे ‘शिफ्टेड’ के तौर पर किसने मार्क किया? AAP सरकार के एक अधिकारी ने? उस क्लासिफिकेशन को किसने वेरिफाई किया? फिर से AAP सरकार के ही एक अधिकारी ने…। ऊंचे स्तर पर यह प्रक्रिया किसने पूरी की? एक बार फिर उसी AAP सरकार के एक अधिकारी ने।” उन्होंने दावा किया कि बूथ लेवल ऑफिसर (BLO) से लेकर राज्य के मुख्य चुनाव अधिकारी तक, पंजाब सरकार के अधिकारी SIR (स्पेशल इंटेंसिव रिविजन) प्रक्रिया के हर चरण में तैनात होते हैं।

उन्होंने कहा, “BLO आमतौर पर पंजाब सरकार का एक जूनियर कर्मचारी होता है। बीच के अधिकारी असिस्टेंट इलेक्टोरल रजिस्ट्रेशन ऑफिसर (AERO), इलेक्टोरल रजिस्ट्रेशन ऑफिसर (ERO) और डिस्ट्रिक्ट इलेक्शन ऑफिसर (DEO भी पंजाब सरकार के अधिकारी होते हैं। सबसे ऊपर पंजाब कैडर का IAS अधिकारी होता है जो मुख्य चुनाव अधिकारी के तौर पर काम करता है।” उन्होंने दावा किया कि ऐसे अधिकारी राजनीतिक दबाव में आ सकते हैं क्योंकि उनके ट्रांसफर, पोस्टिंग और करियर राज्य सरकार के कंट्रोल में होते हैं।

राज्यसभा सांसद ने आरोप लगाया, “इन अधिकारियों को पता है कि चुनाव ड्यूटी खत्म होने के बाद AAP सरकार ही उनके ट्रांसफर, पोस्टिंग और करियर को नियंत्रित करती है। वे जानते हैं कि कौन उनका ट्रांसफर कर सकता है और कौन उनकी जिंदगी मुश्किल बना सकता है। इस तरह, AAP सरकार राजनीतिक बदला लेने के लिए राज्य के अधिकारियों पर राजनीतिक दबाव डालती है।” उन्होंने यह भी कहा कि जब से उन्होंने “भ्रष्ट” पार्टी छोड़ी है, तब से आम आदमी पार्टी का नेतृत्व उनसे नाराज है।

चुनाव आयोग की नियमों का किया जिक्र

उन्होंने कहा, “AAP ने उन लोगों के खिलाफ पंजाब पुलिस और प्रशासनिक मशीनरी का इस्तेमाल किया है जिन्होंने चुप रहने से इनकार कर दिया। पंजाब सरकार ने उन अन्य सांसदों को भी निशाना बनाया है जिन्होंने AAP छोड़कर BJP का दामन थामा। यह गलत क्लासिफिकेशन उसी राजनीतिक बदले की भावना का ताजा उदाहरण है।” चड्ढा ने चुनाव आयोग की विस्तृत SIR गाइडलाइंस के पैरा 4(d) का भी जिक्र किया, जिसमें जन-प्रतिनिधियों की एक “प्रोटेक्टेड लिस्ट” (सुरक्षित सूची) का प्रावधान है।

AAP का पलटवार

चड्ढा की बातों पर प्रतिक्रिया देते हुए AAP की पंजाब यूनिट के प्रवक्ता ने कहा कि स्पेशल समरी रिविजन (SSR) चुनाव आयोग करता है, न कि राज्य सरकार। उन्होंने कहा, “वोटर लिस्ट में किसका नाम शामिल करना है या किसका नाम हटाना है, इसमें पंजाब सरकार की कोई भूमिका नहीं होती।” प्रवक्ता ने आगे कहा, “यह बात सभी जानते हैं कि राघव चड्ढा दिल्ली में रहते हैं, पंजाब में नहीं। अगर वह अब पंजाब में नहीं रहते हैं, तो यह उनकी अपनी जिम्मेदारी थी कि वह या तो वहां अपना वोटर रजिस्ट्रेशन बनाए रखते या उसे कहीं और ट्रांसफर करवाते। वोटर लिस्ट से अपना नाम हटने के लिए वह अब AAP या पंजाब सरकार को दोष नहीं दे सकते।”

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उन्होंने यह भी दावा किया कि AAP को चुनाव आयोग के सूत्रों से जानकारी मिली है कि चड्ढा “बैक-डेटेड प्रोसेस” का इस्तेमाल करके दिल्ली के राजिंदर नगर में वोटर के तौर पर रजिस्टर होने की कोशिश कर रहे थे। AAP प्रवक्ता ने कहा, “अगर बैक डेटेड प्रोसेस या ऐसी कोई गैर-कानूनी प्रक्रिया अपनाई गई थी, तो इसकी जांच होनी चाहिए और पूरी सच्चाई जनता के सामने आनी चाहिए। अगर BJP या किसी और ने बैक-डेटेड प्रोसेस के जरिए नाम दर्ज कराने में मदद की है, तो हम इस मामले को तार्किक अंजाम तक पहुंचाएंगे और सच्चाई सामने लाएंगे।”

Mausam Update 3 Sep: दिल्ली-यूपी से बिहार तक मूसलाधार बारिश का अलर्ट, MP में रेड कलर वॉर्निंग! आज इन राज्यों में मौसम का तांडव

IMD Heavy Rain Alert: देश भर में मानसून एक बार फिर अपने प्रचंड रूप में आ गया है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 3 सितंबर के लिए मौसम की एक बेहद गंभीर चेतावनी जारी की है। समें देश के कई हिस्सों में आफत की बारिश का अनुमान जताया गया है। मौसम विभाग के ताजा बुलेटिन के मुताबिक उत्तर भारत से लेकर मध्य भारत और पूर्वोत्तर राज्यों तक भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है। मध्य प्रदेश के पूर्वी हिस्से में बहुत ज्यादा मूसलाधार बारिश को लेकर रेड अलर्ट जैसी स्थिति बनी हुई है।

पूर्वी मध्य प्रदेश में अत्यधिक भारी बारिश की चेतावनी, पश्चिमी यूपी, विदर्भ और बंगाल भी प्रभावित

मध्य भारत के इलाकों में आज बारिश का सबसे ज्यादा असर देखने को मिलेगा। मौसम विभाग ने पूर्वी मध्य प्रदेश के अलग-अलग जगहों पर भारी से बहुत भारी बारिश के साथ अत्यंत मूसलाधार बारिश का अनुमान जताया है। इसके अलावा, पश्चिमी उत्तर प्रदेश, विदर्भ और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम के दूर-दराज के इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश होने की पूरी संभावना है। इन क्षेत्रों में लगातार हो रही बारिश से नदियों के जलस्तर में बढ़ोतरी और निचले इलाकों में जलभराव का खतरा गहरा गया है।

दिल्ली-एनसीआर, बिहार, पंजाब और पहाड़ी राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट

देश की राजधानी दिल्ली और आसपास के राज्यों में भी आज मौसम के कड़े तेवर देखने को मिल सकते हैं। IMD के मुताबिक हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, पंजाब, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, पूर्वी उत्तर प्रदेश और पश्चिमी मध्य प्रदेश में अलग-अलग जगहों पर भारी बारिश दर्ज की जा सकती है। इसके साथ ही पूर्वी भारत के राज्य बिहार, झारखंड और छत्तीसगढ़ में भी तेज बारिश की चेतावनी दी गई है। पूर्वोत्तर भारत के अरुणाचल प्रदेश, असम व मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में भी कई जगहों पर मध्यम से भारी बारिश होने का पूर्वानुमान है।

गरज-चमक के साथ तेज आंधी और आकाशीय बिजली का खतरा

मौसम विभाग ने बारिश के साथ-साथ तेज हवाओं और आकाशीय बिजली गिरने को लेकर भी लोगों को सतर्क किया है। आंध्र प्रदेश में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली तेज झोंकेदार हवाओं के साथ आंधी और बिजली चमकने का अलर्ट जारी किया गया है। आंतरिक कर्नाटक, तेलंगाना और जम्मू-कश्मीर-लद्दाख-गिलगित-बाल्टिस्तान-मुजफ्फरबाद के क्षेत्रों में 30 से 40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने और बिजली गिरने की संभावना जताई गई है। इसके अलावा बिहार, छत्तीसगढ़, झारखंड, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, ओडिशा, उत्तराखंड, पश्चिम बंगाल व सिक्किम और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में आकाशीय बिजली गिरने को लेकर चेतावनी जारी की गई है। आंध्र प्रदेश, आंतरिक कर्नाटक और तेलंगाना में मजबूत सतही हवाएं भी चल सकती हैं।

तटीय इलाकों और समुद्र में मौसम रहेगा खतरनाक, मछुआरों के लिए अलर्ट

समुद्री इलाकों में भी हवा का रुख बेहद उग्र रहने का अनुमान है। मौसम विभाग के मुताबिक अरब सागर में सोमालिया तट के पास और उससे सटे पश्चिम-मध्य व दक्षिण-पश्चिम अरब सागर के कुछ हिस्सों में 45 से 55 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तूफानी हवाएं चल सकती हैं। इनकी गति बढ़कर 65 किमी प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। बंगाल की खाड़ी में मन्नार की खाड़ी से सटे दक्षिण तमिलनाडु तट और दक्षिण श्रीलंका तट से लगे दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी के इलाकों में 45 से 55 किमी प्रति घंटे की गति से हवाएं चलने और 65 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से झोंके आने की आशंका है। IMD ने मछुआरों को इन खतरनाक समुद्री क्षेत्रों में न जाने की सलाह दी है।

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