Maruti Victoris खरीदने का शानदार मौका! 2 लाख रुपये तक की छूट के साथ जानें पूरी डिटेल

अगर आप नई मिड-साइज SUV खरीदने की योजना बना रहे हैं, तो आपके लिए अच्छी खबर है। मारुति सुजुकी विक्टोरिस पर इस महीने शानदार डिस्काउंट मिल रहा है। मारुति सुजुकी की विक्टोरिस ने लॉन्च के कुछ ही महीनों में भारतीय बाजार में अपनी मजबूत पहचान बना ली है। ये मिड-साइज SUV ग्राहकों के बीच तेजी से लोकप्रिय हुई है। इसी के साथ बिक्री के मामले में भी कई बड़ी गाड़ियों को कड़ी टक्कर दे रही है। अगर आप नई SUV खरीदने की सोच रहे हैं, तो ये मॉडल आपके लिए एक अच्छा ऑप्शन हो सकता है। आइए जानते हैं इस पर मिलने वाले ऑफर्स, कीमत और फीचर्स की पूरी जानकारी।

जुलाई महीने में मारुति सुजुकी विक्टोरिस पर ग्राहकों को शानदार ऑफर मिल रहे हैं। डीलर सूत्रों के अनुसार, इस SUV के कुछ वेरिएंट्स, खासकर CNG मॉडल पर, कुल 2 लाख रुपये तक का फायदा उठाया जा सकता है। इस ऑफर में एक्सचेंज बोनस भी शामिल है।

कितनी हुई होलसेल

1 जुलाई को आयोजित मारुति सुजुकी की मासिक सेल्स मीडिया ब्रीफिंग में कंपनी के मार्केटिंग और सेल्स के सीनियर एग्जीक्यूटिव ऑफिसर पार्थो बनर्जी ने बताया कि, जून महीने में विक्टोरिस की करीब 10,000 यूनिट्स की होलसेल हुई। वहीं, इसकी रिटेल बिक्री 13,000 यूनिट्स से अधिक रही। उन्होंने ये भी कहा कि विक्टोरिस की कुल बिक्री में CNG वेरिएंट की हिस्सेदारी 50 प्रतिशत से ज्यादा हो गई है, जबकि पूरे मारुति सुजुकी पोर्टफोलियो में CNG मॉडल की हिस्सेदारी करीब 42 प्रतिशत है। मारुति सुजुकी विक्टोरिस को ग्राहकों की जरूरत के हिसाब से कई इंजन और ट्रांसमिशन विकल्पों के साथ पेश करती है।

इसमें पेट्रोल, CNG और हाइब्रिड वेरिएंट उपलब्ध हैं। खास बात यह है कि CNG मॉडल में टैंक को गाड़ी के नीचे लगाया गया है, जिससे बूट में सामान रखने के लिए पहले की तरह पर्याप्त जगह मिलती है।

कार का खासियत

मारुति सुजुकी साल 2010 से भारत में CNG कारें बेच रही है। वहीं, विक्टोरिस कंपनी की पहली ऐसी कार है, जिसमें अंडरबॉडी CNG टैंक दिया गया है। इस मॉडल को साल 2025 में लॉन्च किया गया था। वहीं माइलेज की बात करें तो, मारुति सुजुकी विक्टोरिस का पेट्रोल मैनुअल वेरिएंट 21.18 kmpl, पेट्रोल ऑटोमैटिक वेरिएंट 21.06 kmpl, CNG मैनुअल वेरिएंट 27.02 km/kg और हाइब्रिड e-CVT वेरिएंट 28.65 kmpl तक का माइलेज देने का दावा करता है। वहीं, इस SUV की एक्स-शोरूम कीमत 10.50 लाख रुपये से 19.99 लाख रुपये (एक्स-शोरूम) के बीच है, जबकि इसके CNG वेरिएंट की कीमत 11.50 लाख रुपये से 14.72 लाख रुपये (एक्स-शोरूम) तक है।

Top 10 Selling Cars in June: टॉप 10 कारों में Tata दबदबा, Punch और Nexon SUV लिस्ट में सबसे ऊपर, Maruti के 6 मॉडल भी शामिल

Top 10 Selling Cars in June:  जून,2026 में भारत के कार मार्केट में टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल्स (TMPV) सबसे ज्यादा बढ़त हासिल करने वाली कंपनी रही। इस दौरान कंपनी की Punch SUV और Nexon SUV ने देश की टॉप 10 बिकने वाली कारों की सूची में पहला और दूसरा स्थान हासिल किया। वहीं, इस मजबूत प्रदर्शन के साथ कंपनी की घरेलू बिक्री में साल-दर-साल (y-o-y) 69% की बड़ी बढ़ोतरी दर्ज की गई।

इसके अलावा, Maruti Suzuki ने भी मार्केट में पकड़ बनाए रखते हुए लिस्ट में 6 मॉडल शामिल किए। जबकि Hyundai Motor India की Creta SUV प्रोडक्शन में कुछ समय की रुकावट के कारण लिस्ट से बाहर हो गई।

बता दें कि Tata Motors ने जून में घरेलू पैसेंजर व्हीकल (PV) की 63,083 यूनिट्स (इलेक्ट्रिक व्हीकल्स या EVs सहित) बेचीं, जो पिछले साल इसी महीने में 37,237 यूनिट्स थीं। कंपनी ने कहा कि Punch और Tiago के नए वर्जन्स को ‘बहुत जबरदस्त’ रिस्पॉन्स मिला है और सभी तरह के पावरट्रेन में बुकिंग तेजी से बढ़ी है, जबकि इलेक्ट्रिक कारों की बिक्री इस महीने रिकॉर्ड 14,800 यूनिट्स तक पहुंच गई।

पहले Punch SUV की बात करें तो, यह जून में भारत की सबसे ज्यादा बिकने वाली पैसेंजर व्हीकल बनी, जिसकी 21,006 यूनिट्स की बिक्री हुई। दूसरे नंबर पर Nexon रही, जिसकी 18,335 यूनिट्स बिकीं। तीसरे स्थान पर Maruti Suzuki की Dzire रही, जिसने 17,899 यूनिट्स की बिक्री के साथ देश की सबसे ज्यादा बिकने वाली सेडान का दर्जा बनाए रखा।

चौथे स्थान पर 16,952 यूनिट्स के साथ ‘Wagon R’ हैचबैक रही, जबकि ‘Ertiga’ MPV ने 16,111 यूनिट्स बेचकर टॉप पांच में जगह बनाई। Maruti Suzuki की ‘Swift’ हैचबैक 15,215 यूनिट्स के साथ छठे स्थान पर रही, और उसके बाद Mahindra ‘Scorpio’ SUV 14,097 यूनिट्स के साथ सातवें स्थान पर रही।

Maruti Suzuki की ‘Fronx’ SUV 13,135 यूनिट्स की बिक्री के साथ 8वें स्थान पर रही, जो ‘Baleno’ हैचबैक (12,488 यूनिट्स) से आगे रही। इसके अलावा, Hyundai की ‘Venue’ SUV 10,776 यूनिट्स की बिक्री के साथ टॉप 10 की लिस्ट में शामिल रही।

हालांकि टाटा मोटर्स ने टॉप 2 स्थान हासिल किए, लेकिन मारुति सुजुकी इस रैंकिंग में सबसे ज्यादा प्रतिनिधित्व करने वाली कंपनी रही, जिसके 6 मॉडल-Dzire, WagonR, Ertiga, Swift, Fronx और Baleno-टॉप 10 में शामिल रहे। इन मॉडल्स की कुल बिक्री 91,780 यूनिट रही, जो जून में टॉप 10 कारों की कुल बिक्री का 57% से ज्यादा है। इससे हैचबैक, सेडान, MPV और SUV सेगमेंट में कंपनी की मजबूत मौजूदगी का पता चलता है।

बता दें कि यह परफॉर्मेंस तब देखने को मिली जब जून में मारुति सुजुकी ने अपने मैन्युफैक्चरिंग प्लांट्स में एक हफ्ते के लिए मेंटेनेंस के कारण काम बंद रखा था, जिस दौरान कोई गाड़ी नहीं बनी थी।

रैंकिंग में Hyundai Creta का नाम नहीं

जून की रैंकिंग में एक खास नाम जो गायब था, वह है Hyundai Creta; यह कार देश की सबसे ज्यादा बिकने वाली कारों में हमेशा शामिल रही है। इसके रैंकिंग में शामिल न होने के पिछे एक सप्लायर प्लांट में आग लगने की वजह रही है, जिससे प्रोडक्शन में कुछ समय के लिए रुकावट आई और होलसेल बिक्री पर असर पड़ा। इसी कारण यह SUV टॉप 10 की लिस्ट से बाहर हो गई।

एक और खास नाम जो लिस्ट में नहीं था, वह है Maruti Suzuki Brezza SUV। इस महीने के आखिर में इसके अपडेटेड वर्जन के लॉन्च से पहले इसकी सप्लाई पर असर पड़ा था।

जून की रैंकिंग से भारतीय खरीदारों के बीच SUV की लगातार लोकप्रियता का भी पता चला। टॉप 10 में पांच SUV – पंच, नेक्सॉन, स्कॉर्पियो, फ्रॉन्क्स और वेन्यू – शामिल थीं। वहीं, डिजायर ने SUV के ट्रेंड से अलग अपनी जगह बनाए रखी और भारत की सबसे ज़्यादा बिकने वाली सेडान बनी रही।

जून की रैंकिंग से यह भी साफ हुआ कि भारतीय बाजार में SUV की लोकप्रियता लगातार बनी हुई है। टॉप 10 में कुल 5 SUV-Punch, Nexon, Scorpio, Fronx और Venue-शामिल रहीं। वहीं Dzire ने SUV ट्रेंड से अलग अपनी जगह बनाए रखी और देश की सबसे ज्यादा बिकने वाली सेडान बनी रही।

जून में सबसे ज्यादा बिकने वाली टॉप 10 कारें

रैंककार मॉडलबिक्री (यूनिट्स)
1टाटा पंच21,006
2टाटा नेक्सॉन18,335
3मारुति सुजुकी डिजायर17,899
4मारुति सुजुकी वैगनआर16,952
5मारुति सुजुकी अर्टिगा16,111
6मारुति सुजुकी स्विफ्ट15,215
7महिंद्रा स्कॉर्पियो14,097
8मारुति सुजुकी फ्रॉन्क्स13,135
9मारुति सुजुकी बलेनो12,488
10हुंडई वेन्यू10,776

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ज्वेलरी कंपनी 20 साल बाद लाई बोनस इश्यू, हर 3 शेयरों पर 1 नया शेयर फ्री; 10 जुलाई रिकॉर्ड डेट

ज्वेलरी सेक्टर की कंपनी गोल्डियम इंटरनेशनल बोनस शेयर बांटने वाली है। शेयरहोल्डर्स को उनके पास मौजूद हर 3 शेयरों पर 1 नया शेयर बोनस के तौर पर मिलेगा। रिकॉर्ड डेट 10 जुलाई 2026 है। इस तारीख से एक दिन पहले मार्केट क्लोजिंग तक जिन लोगों के नाम शेयरों के लाभार्थी मालिकों के तौर पर रजिस्टर ऑफ मेंबर्स ऑफ द कंपनी या डिपॉजिटरीज के रिकॉर्ड्स में दर्ज हो चुके होंगे, वे बोनस शेयरों के हकदार होंगे।

इस बोनस इश्यू की घोषणा मई महीने में हुई थी। कंपनी के शेयर की फेस वैल्यू 2 रुपये है। गोल्डियम इंटरनेशनल 20 साल के गैप के बाद बोनस शेयर देने जा रही है। इससे पहले इसने साल 2005 और 2002 में बोनस शेयर बांटे थे। दोनों ही बार शेयरहोल्डर्स को उनके पास मौजूद हर 1 शेयर पर 1 नया शेयर बोनस के तौर पर मिला था।

गोल्डियम इंटरनेशनल डायमंड ज्वेलरी बनाती और एक्सपोर्ट करती है। यह रिटेलर्स के लिए फुली इंटीग्रेटेड ओरिजिनल इक्विपमेंट मैन्युफैक्चरर पार्टनर है। इसके प्रोडक्ट्स में डायमंड रिंग्स, ईयरिंग्स व पेंडेंट्स, नेकलेस शामिल हैं।

Goldiam International का शेयर 3 महीनों में 65 प्रतिशत मजबूत

गोल्डियम इंटरनेशनल के शेयर की BSE पर वर्तमान कीमत 480.65 रुपये है। यह 3 महीनों में लगभग 65 प्रतिशत चढ़ा है। 2 साल में शेयर की कीमत 190 प्रतिशत और 3 साल में 270 प्रतिशत मजबूत हुई है। शेयर BSE 1000 इंडेक्स का हिस्सा है। कंपनी में मार्च 2026 के आखिर तक प्रमोटर्स के पास 58.51 प्रतिशत हिस्सेदारी थी। गोल्डियम इंटरनेशनल का मार्केट कैप 5400 करोड़ रुपये से ज्यादा है। शेयर का BSE पर 52 सप्ताह का एडजस्टेड हाई 507 रुपये और एडजस्टेड लो 264.65 रुपये है।

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कंपनी की वित्तीय सेहत

गोल्डियम इंटरनेशनल का जनवरी-मार्च 2026 तिमाही में स्टैंडअलोन बेसिस पर रेवेन्यू 151.40 करोड़ रुपये रहा। इस बीच शुद्ध मुनाफा 17.33 करोड़ रुपये दर्ज किया गया। पूरे वित्त वर्ष 2026 के दौरान कंपनी का स्टैंडअलोन रेवेन्यू 529.57 करोड़ रुपये और शुद्ध मुनाफा 50.55 करोड़ रुपये रहा।

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

10 most affordable cars on sale in India

10 most affordable cars in India

The entry-level segment has long been the backbone of the Indian car market. In recent years, though, the prices of entry-level cars have climbed sharply due to factors such as premiumisation and compliance with stricter safety and emissions norms, hurting the segment’s sales and even nudging some buyers towards used cars. That said, the GST revision implemented in September 2025 brought major relief, lowering the tax rate and creating room for demand to recover.

If you are in the market for a brand-new car under Rs 10 lakh, we have compiled 10 of the most affordable options currently available in India. It’s no surprise that Maruti continues to dominate this space, with as many as five models in the list.

10. Tata Tigor

Starts at Rs 5.55 lakh

With prices starting at Rs 5.55 lakh, the Tata Tigor is the cheapest sedan in India and the only one on this list. While the Tigor has been around for quite a while, Tata has introduced multiple updates for the compact sedan over its lifecycle to keep it fresh. The Tigor is powered by a 1.2-litre 3-cylinder engine, which can be had in an 86hp petrol or a 75.5hp CNG guise. Both fuel types offer 5-speed manual and 5-speed AMT options.

Tata Tigor price and mileage
PriceRs 5.55 lakh-Rs 8.84 lakh
Mileage (ARAI)MT: 19.2kpl | AMT: 19.6kpl | CNG: 26.49km/kg

9. Hyundai Grand i10 Nios

Starts at Rs 5.55 lakh

Prices for the Hyundai Grand i10 Nios start at Rs 5.55 lakh and go up to Rs 8.03 lakh for the top-end Asta AMT, making it the most expensive automatic variant on this list; the hatchback is also the entry point to Hyundai’s vast line-up in India. Under the hood, the Grand i10 Nios gets a 1.2-litre naturally aspirated petrol engine producing 83hp and 114Nm; gearbox options include a 5-speed manual or an AMT. The hatchback is also available with a CNG option, which starts at Rs 7.22 lakh.

Hyundai Grand i10 Nios price and mileage
PriceRs 5.55 lakh-Rs 8.03 lakh
Mileage (ARAI)MT: 16kpl | AMT: 18kpl

8. Maruti Suzuki Eeco

Starts at Rs 5.21 lakh

The Maruti Eeco is the only van on this list and a dependable vehicle with a versatile use case. It comes with a 1.2-litre 4-cylinder engine that puts out 81hp and 105Nm and is offered only with a manual transmission. Fun fact: the Eeco is the most affordable rear-wheel-drive car on sale in India.

Maruti Suzuki Eeco price and mileage
PriceRs 5.21 lakh-Rs 6.36 lakh
Mileage (ARAI)MT : 19.71kpl | CNG : 26.78km/kg

7. Citroen C3

Starts at Rs 4.99 lakh

The Citroen C3 is the entry point to the French carmaker’s line-up in India. Prices for the C3 start from Rs 4.99 lakh for the base 82hp 1.2-litre 3-cylinder naturally aspirated engine. Higher C3 variants offer a stronger 110hp 1.2-litre turbo-petrol engine option, priced at Rs 7.5 lakh for the manual and Rs 9.6 lakh for the torque-converter automatic. The latter makes the C3 the most powerful car on this list, and it is quite a fun little hatchback with peppy performance and tidy handling.

Citroen C3 price and mileage

PriceRs 4.99 lakh-Rs 9.60 lakh
Mileage (ARAI)1.2 MT: 19.3kpl | 1.2 turbo AT: 18.3kpl

6. Maruti Suzuki Wagon R

Starts at Rs 4.99 lakh

The Maruti Wagon R, one of India’s bestselling cars and the longest surviving nameplates, comes with two petrol engine choices: a 1.0-litre 3-cylinder mill producing 68hp and 89Nm and a 1.2-litre 4-cylinder unit delivering 83hp and 113Nm. Prices for the Wagon R start at Rs 4.99 lakh, and for those seeking convenience, an AMT option is available from Rs 5.97 lakh onwards, making it a practical and affordable Maruti car.

Maruti Suzuki Wagon R price and mileage

PriceRs 4.99 lakh-Rs 6.84 lakh
Mileage (ARAI)1.0 MT / AMT: 24.35kpl / 25.19kpl | 1.2 MT / AMT: 23.56kpl / 24.43kpl | CNG : 34.05km/kg

5. Maruti Suzuki Celerio

Starts at Rs 4.70 lakh

The Maruti Suzuki Celerio is known for offering extremely fuel-efficient petrol and CNG powertrains. It is equipped with a 1.0-litre 3-cylinder engine producing 67hp and 89Nm. The Celerio has a starting price of Rs 4.7 lakh; prices for its AMT option start from Rs 5.61 lakh. The compact dimensions of the Celerio, coupled with its stellar fuel efficiency figures, make it an ideal urban runabout.

Maruti Suzuki Celerio price and mileage

PriceRs 4.70 lakh-Rs 6.73 lakh
Mileage (ARAI)MT: 24.97kpl | AMT: 26.68kpl | CNG : 34.43km/kg

4. Tata Tiago

Starts at Rs 4.69 lakh

Updated for 2026 and beyond, the Tiago remains the cheapest Tata car you can buy. As part of the update, the hatchback underwent a major revamp inside and out, and it packs more features, too. Under the bonnet, the Tiago comes with the same 1.2-litre 3-cylinder engine in 86hp petrol and 75.5hp CNG versions, both of which are available with 5-speed manual and 5-speed AMT options. The latter makes the Tiago the only car on this list to offer a CNG AMT powertrain. With a strengthened bodyshell and 6 airbags as standard, the Tiago also scores high on safety.

Tata Tiago price and mileage

PriceRs 4.69 lakh-Rs 8.55 lakh
Mileage (ARAI)*MT: 19.01kpl | AMT: 19kpl | CNG: 26.49km/kg | CNG AMT: 28.06km/kg

*Pre-update Tiago mileage figures.

3. Renault Kwid

Starts at Rs 4.3 lakh

A direct Maruti Alto K10 rival, the Renault Kwid is priced from Rs 4.53 lakh. The Kwid scores well on features, and the Climber variant even brings some rugged appeal. The budget hatchback is powered by a 1.0-litre 3-cylinder petrol engine that produces 69hp and 92.5Nm; it gets both MT and AMT gearbox options. However, unlike Maruti, which offers factory-fitted CNG kits, the Kwid gets it as dealer-level fitment.

Renault Kwid price and mileage

PriceRs 4.53 lakh-Rs 5.61 lakh
Mileage (ARAI)MT: 21.7kpl | AMT: 22.5kpl

2. Maruti Suzuki Alto K10

Starts at Rs 3.70 lakh

The Maruti Alto K10 prices start from Rs 3.7 lakh. Even as one of the most budget-friendly cars in India, it comes equipped with six airbags as standard and impresses with its frugality and drivability. The Maruti Alto K10 is powered by a 1.0-litre 3-cylinder petrol engine that produces 67hp and 89Nm. Maruti also offers an AMT gearbox option for the Alto K10, starting at Rs 4.95 lakh. There is a CNG variant available, too, priced from Rs 4.82 lakh.

Maruti Suzuki Alto K10 price and mileage

PriceRs 3.70 lakh-Rs 5.45 lakh
Mileage (ARAI)MT : 24.39kpl | AMT: 24.9kpl | CNG: 33.40km/kg

1. Maruti Suzuki S-Presso

Starts at Rs 3.5 lakh

The most affordable car on sale in India is the Maruti S-Presso. Though the carmaker terms it as a ‘mini SUV’, it’s a high-riding hatchback at best. However, the upright stance and shape mean it has a roomy cabin that scores well in terms of practicality. Under the hood is a 1.0-litre 3-cylinder petrol engine that produces 67hp and 89Nm; it is available with MT and AMT gearbox options, as well as a factory-fitted CNG kit. Automatic variants of the S-Presso are priced from Rs 4.75 lakh. 

Maruti Suzuki S-Presso price and mileage

PriceRs 3.5 lakh-Rs 5.25 lakh
Mileage (ARAI)MT: 24.12kpl | AMT: 25.3kpl | CNG: 32.73km/kg

All prices are ex-showroom, India.

India Heavy Rain Alert: दिल्ली से यूपी-बिहार तक इन 25+ राज्यों में हैवी बारिश का अलर्ट, आंधी-तूफान और आएगा 50-60kmph स्पीड वाला बवंडर

भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के ताजा बुलेटिन के मुताबिक देश भर में दक्षिण-पश्चिम मानसून का असर अब बेहद व्यापक और आक्रामक हो चुका है। उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी के ऊपर एक वेल-मार्क लो-प्रेशर एरिया बना हुआ है। इसके अगले 3 दिनों के दौरान उत्तर ओडिशा और उत्तर छत्तीसगढ़ की ओर पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ने की संभावना है। इस सिस्टम के प्रभाव से अगले 4-5 दिनों तक देश के मध्य हिस्सों में मानसून बेहद सक्रिय चरण में रहेगा।

मौसम विभाग ने दिल्ली, उत्तर प्रदेश, बिहार, मध्य प्रदेश और राजस्थान सहित देश के 25 से अधिक राज्यों में भारी से अत्यंत भारी बारिश और 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ़्तार वाले तूफानी बवंडर का अलर्ट जारी किया है। मानसून की उत्तरी सीमा (NLM) फिलहाल जामनगर, उदयपुर, अजमेर, झुंझुनू, हिसार और बठिंडा से होकर गुजर रही है, और अगले 4 दिनों में इसके पंजाब, हरियाणा, राजस्थान और गुजरात के बचे हिस्सों में आगे बढ़ने के लिए अनुकूल परिस्थितियां बनी हुई हैं।

इन राज्यों में अत्यंत भारी बारिश का रेड अलर्ट

मौसम विभाग के मुताबिक कुछ राज्यों में मानसून का सबसे भयंकर रूप देखने को मिलेगा। यहां मूसलाधार से अत्यधिक भारी बारिश का रेड/ऑरेंज अलर्ट है:

  • कोंकण और गोवा व गुजरात क्षेत्र: 4 से 7 जुलाई के दौरान अलग-अलग स्थानों पर अत्यंत भारी बारिश की आशंका।
  • मध्य महाराष्ट्र: 4 से 6 जुलाई के बीच अत्यधिक भारी बारिश का अलर्ट।
  • सौराष्ट्र और ओडिशा: 4 और 5 जुलाई को छिटपुट स्थानों पर मूसलाधार से अत्यंत भारी बारिश।
  • पश्चिमी मध्य प्रदेश: 4 जुलाई को कुछ हिस्सों में अत्यंत भारी बारिश का अनुमान।
  • उत्तर-पश्चिम भारत: दिल्ली, यूपी, पंजाब और हरियाणा में आंधी और बारिश का दौर

दिल्ली, हरियाणा, चंडीगढ़ और पंजाब: इन राज्यों में 4 और 5 जुलाई तथा फिर 9-10 जुलाई को छिटपुट बारिश होगी। 6 से 8 जुलाई के दौरान व्यापक से बहुत व्यापक बारिश और 6-8 जुलाई के बीच ही भारी बारिश का दौर आएगा। 4 और 5 जुलाई को यहाँ 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से आंधी और बिजली चमकने का अलर्ट है।

उत्तर प्रदेश: पश्चिमी यूपी में 4-7 जुलाई तक और पूर्वी यूपी में 4-6 जुलाई तक छिटपुट बारिश होगी। इसके बाद पूर्वी यूपी में 7 से 10 जुलाई और पश्चिमी यूपी में 8 से 10 जुलाई के दौरान व्यापक वर्षा होगी। पश्चिमी यूपी में 9-10 जुलाई और पूर्वी यूपी में 8-10 जुलाई के बीच भारी बारिश का अलर्ट है। 4 जुलाई तथा 7-8 जुलाई को दोनों हिस्सों में बिजली कड़कने की चेतावनी दी गई है।

राजस्थान: पूर्वी राजस्थान में 4 जुलाई को बहुत भारी बारिश होगी जबकि 5 से 9 जुलाई तक व्यापक बारिश का सिलसिला जारी रहेगा। पश्चिमी राजस्थान में 4 से 10 जुलाई तक छिटपुट बारिश और 4-6 जुलाई के दौरान 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ़्तार से धूलभरी आंधी/बवंडर का अलर्ट है। पश्चिमी राजस्थान में 6-8 जुलाई और पूर्वी राजस्थान में 8 व 10 जुलाई को भारी बारिश होगी।

हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड: दोनों पहाड़ी राज्यों में 4 से 10 जुलाई के दौरान व्यापक बारिश जारी रहेगी। उत्तराखंड में 4 जुलाई और 6-10 जुलाई के बीच भारी बारिश होगी जबकि 5 जुलाई को बहुत भारी बारिश का अलर्ट है। हिमाचल प्रदेश में 6-7 जुलाई को बहुत भारी बारिश होने का अनुमान है।

जम्मू-कश्मीर, लद्दाख: यहां 4-5 जुलाई को छिटपुट और 6-9 जुलाई के दौरान व्यापक बारिश के साथ ही पूरे हफ्ते (4-10 जुलाई) 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ़्तार से हवाएं और बिजली गिरने की आशंका है।

मध्य भारत: मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और विदर्भ में भारी तबाही की आशंका

मध्य प्रदेश: पूरे मध्य प्रदेश (पूर्वी और पश्चिमी) में 4 से 10 जुलाई के दौरान व्यापक बारिश होगी। इसके साथ ही 4-8 जुलाई के दौरान 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ़्तार से तूफानी हवाएं और बिजली कड़कने का अलर्ट है। पश्चिमी मध्य प्रदेश में 4 जुलाई को अत्यंत भारी बारिश और 5-8 जुलाई के बीच बहुत भारी बारिश होगी। पूर्वी मध्य प्रदेश में 4-8 जुलाई के दौरान बहुत भारी बारिश की चेतावनी है।

छत्तीसगढ़ और विदर्भ: छत्तीसगढ़ में 4-5 जुलाई को बहुत भारी बारिश होगी और 6-7 व 9-10 जुलाई को भारी बारिश का अनुमान है। विदर्भ में 4-5 जुलाई को बहुत भारी बारिश और 6 जुलाई को भारी बारिश का अलर्ट है। इन क्षेत्रों में 30-50 किमी प्रति घंटे की रफ़्तार से हवाएं चलेंगी।

पूर्वी भारत: बिहार-झारखंड और बंगाल में मौसम का मिजाज

बिहार: बिहार में 4 से 10 जुलाई के दौरान छिटपुट से लेकर बिखरी हुई बारिश दर्ज की जाएगी। 6, 7 और 10 जुलाई को बिहार के कुछ हिस्सों में भारी बारिश का अलर्ट है। 4 से 8 जुलाई के दौरान बिहार में 30-40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं और आंधी चलने की आशंका है।

झारखंड: झारखंड में 4 से 10 जुलाई तक व्यापक बारिश का अनुमान है। 4 जुलाई को झारखंड में मध्यम से तीव्र बिजली गिरने का विशेष अलर्ट है। यहां 5-7 जुलाई के बीच भारी बारिश और 4-8 जुलाई तक 40-50 किमी प्रति घंटे की आंधी चल सकती है।

पश्चिम बंगाल और सिक्किम: गंगीय पश्चिम बंगाल में 4 और 6 जुलाई को भारी बारिश और 5 जुलाई को बहुत भारी बारिश का अलर्ट है। उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में 6-8 जुलाई को भारी और 9 जुलाई को बहुत भारी बारिश होगी। इन क्षेत्रों में 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलेंगी।

पश्चिमी भारत: कोंकण, गोवा और गुजरात में आफत की बारिश

कोंकण, गोवा और गुजरात: कोंकण व गोवा में 4-10 जुलाई और गुजरात क्षेत्र में 4-8 जुलाई तक व्यापक बारिश होगी। सौराष्ट्र और कच्छ में 4-5 जुलाई को अत्यंत भारी बारिश के बाद 6 जुलाई को बहुत भारी बारिश का अलर्ट है।

मध्य महाराष्ट्र और मराठावाड़ा: मध्य महाराष्ट्र में 4-6 जुलाई को अत्यंत भारी और 7 जुलाई को बहुत भारी बारिश की चेतावनी है। मराठावाड़ा में 4-5 जुलाई को भारी बारिश और 4-6 जुलाई के दौरान तेज आंधी-बिजली का अलर्ट रहेगा।

दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत: तेलंगाना में 50-60kmph का थंडरस्कॉल और भारी बारिश

तेलंगाना: तेलंगाना में 4 जुलाई को 50-60 किमी प्रति घंटे (झोंके 70 किमी प्रति घंटे तक) की रफ्तार से तीव्र थंडरस्कॉल यानी बवंडर आने की सख्त चेतावनी दी गई है। 4 जुलाई को यहाँ बहुत भारी बारिश और 5 जुलाई को भारी बारिश का अलर्ट है।

कर्नाटक: तटीय, उत्तरी आंतरिक और दक्षिणी आंतरिक कर्नाटक में 4 से 7 जुलाई के दौरान बहुत भारी बारिश का अलर्ट है। तटीय कर्नाटक में 4-10 जुलाई तक लगातार भारी से बहुत भारी बारिश जारी रहेगी। इन क्षेत्रों में तेज सतही हवाएं भी चलेंगी।

केरल, आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु: केरल और माहे में 4-5 जुलाई को भारी और 6-7 जुलाई को बहुत भारी बारिश होगी। तटीय आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु, पुडुचेरी व कराइकल में 4 जुलाई को भारी बारिश और 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ़्तार से आंधी-तूफान का अलर्ट है।

उत्तर-पूर्व भारत: असम, मेघालय और नागालैंड में भारी वर्षा का अनुमान

असम, मेघालय, अरुणाचल प्रदेश: असम और मेघालय में 7-9 जुलाई के दौरान व्यापक बारिश होगी। 4-10 जुलाई के बीच लगातार भारी बारिश का अलर्ट है। अरुणाचल प्रदेश में 6-10 जुलाई के दौरान भारी बारिश की संभावना है।

नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा: इन राज्यों में 4 से 10 जुलाई के दौरान व्यापक बारिश और इस पूरे हफ्ते भारी बारिश का सिलसिला जारी रहेगा। 4-8 जुलाई के बीच गरज-चमक का अलर्ट है।

उमस और गर्मी की चेतावनी

भारी बारिश के अलर्ट के बीच मौसम विभाग ने कुछ इलाकों में असहज करने वाले मौसम की भी चेतावनी दी है। 4 और 5 जुलाई को पूर्वी उत्तर प्रदेश और नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम व त्रिपुरा में गर्म और उमस भरा मौसम रहने की संभावना है। वहीं असम और मेघालय में 4 से 7 जुलाई के दौरान भी लोगों को भारी उमस और गर्मी का सामना करना पड़ सकता है।

IND vs ENG: रात 10 बजे शुरू होगा भारत और इंग्लैंड के बीच दूसरा मुकाबला? जानें कहां पर देखें लाइव मैच

IND vs ENG 2nd T20: भारत और इंग्लैंड के बीच 5 मैचों की सीरीज का दूसरा मुकाबला मैनचेस्टर के ओल्ड ट्रैफर्ड मैदान पर खेला जाएगा। वहीं आयरलैंड के खिलाफ सीरीज में निराशाजनक प्रदर्शन के बाद अब भारतीय टीम की नजर इंग्लैंड के खिलाफ दूसरे टी20 मुकाबले में वापसी पर होगी। नए कप्तान श्रेयस अय्यर अपनी कप्तानी में पहली जीत दर्ज करने के इरादे से मैदान पर उतरेंगी। पहले मैच में भारत के बल्लेबाजों ने 20 ओवर में 189 रन बनाकर शानदार प्रदर्शन किया था, लेकिन बारिश की वजह से मुकाबला रद्द हो गया। अब भारतीय टीम उसी फॉर्म को दूसरे टी20 में भी जारी रखते हुए जीत दर्ज करने और सीरीज में बढ़त बनाने के इरादे से मैदान पर उतरेगी। भारत और इंग्लैंड के बीच पहला मुकाबला रात 10 बजे शुरू हुआ था वहीं फैंस के मन में सवाल है कि क्या दूसरा मुकाबला भी शाम 7 बजे शुरू होगा।

वैभव करेंगे डेब्यू

इस टी20 सीरीज में सबसे ज्यादा नजरें युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी पर टिकी हुई हैं। 15 साल के इस खिलाड़ी को अब तक इंटरनेशनल क्रिकेट में खेलने का मौका नहीं मिला है, जिससे टीम प्रबंधन के फैसले पर सवाल भी उठ रहे हैं। वहीं दूसरी ओर संजू सैमसन लगातार बल्ले से प्रभाव छोड़ने में नाकाम रहे हैं। ऐसे में दूसरे टी20 मुकाबले में भारतीय टीम बदलाव कर सकती है और वैभव सूर्यवंशी को आखिरकार डेब्यू का मौका मिल सकता है।

भारत-इंग्लैंड के बीच कहां खेला जाएगा मुकाबला

भारत और इंग्लैंड के बीच टी20 सीरीज का दूसरा मुकाबला शनिवार को खेला जाएगा। दोनों टीमें मैनचेस्टर के ओल्ड ट्रैफर्ड मैदान पर आमने-सामने होंगी, जहां भारतीय टीम जीत के साथ सीरीज में वापसी करने के इरादे से उतरेगी, जबकि इंग्लैंड अपनी बढ़त मजबूत करने की कोशिश करेगा।

कितने बजे शुरू होगा भारत-इंग्लैंड का मैच

भारत और इंग्लैंड के बीच दूसरा टी20 मुकाबला भारतीय समयानुसार शाम 7:00 बजे शुरू होगा। मैच शुरू होने से पहले दोनों टीमों के कप्तान शाम 6:30 बजे टॉस के लिए मैदान पर उतरेंगे। इसके बाद दोनों टीमें जीत की उम्मीद के साथ मुकाबले की शुरुआत करेंगी।

कहां पर देखें लाइव मुकाबला

भारत और इंग्लैंड के बीच दूसरे टी20 मुकाबले का सीधा प्रसारण भारत में सोनी स्पोर्ट्स नेटवर्क और डीडी स्पोर्ट्स पर देखा जा सकेगा। वहीं, जो दर्शक मोबाइल या ऑनलाइन मैच देखना चाहते हैं, वे जियो हॉटस्टार ऐप के जरिए इस मुकाबले की लाइव स्ट्रीमिंग का आनंद ले सकते हैं।

8th Pay Commission Updates: क्या केंद्र सरकार के एंप्लॉयीज की सैलरी 283 फीसदी बढ़ने जा रही है?

आठवां वेतन आयोग केंद्र सरकार के एंप्लॉयीज और पेंशनर्स के वेतन वृद्धि के बारे में अपनी सिफारिशें देने के लिए देशभर में अलग-अलग पक्षों के विचार जानने की कोशिश कर रहा है। एंप्लॉयीज यूनियंस 3.83 फिटमेंट फैक्टर की मांग कर रहे है। अगर यह मांग मान ली जाती है तो मिनिमम बेसिक पे 283 फीसदी बढ़ जाएगा। यह 18,000 रुपये से बढ़कर करीब 68,940 रुपये हो जाएगा। नए पे स्केल का फायदा केंद्र सरकार के करीब 50 लाख एंप्लॉयीज और 70 लाख पेंशनर्स को मिलेगा।

एंप्लॉयीज यूनियंस ने बताई अपनी मांगें

कनफेडरेशन ऑफ सेंट्रल गवर्नमेंट एंप्लॉयीज एंड वर्कर्स के एक प्रतिनिधिमंडल ने हाल में 8वें वेतन आयोग को एक व्यापक मेमोरेंडम सौंपा है। इसमें मिनिमम बेसिक पे 69,000 रुपये करने, 3.83 फिटमेंट फैक्टर, ओल्ड पेंशन स्कीम फिर से लागू करने और ज्यादा हाउस रेंट अलाउन्स (HRA) की मांग की गई है।

7वें वेतन आयोग ने 2.57 फिटमेंट फैक्टर माना था

फिटमेंट फैक्टर का इस्तेमाल केंद्र सरकार के एंप्लॉयीज और पेंशनर्स के पे में संशोधन करने के लिए होता है। रिवाइज्ड बेसिक सैलरी तय करने के लिए फिटमेंट फैक्टर के आधार पर एंप्लॉयीज के मौजूदा बेसिक पे में बदलाव किया जाता है। एंप्लॉयीज यूनियंस ने 3.83 फिटमेंट फैक्टर की मांग की है। अगर यह लागू हुआ तो मिनिमम बेसिक पे करीब 69,000 रुपये हो जाएगा। 7वें वेतन आयोग ने 2.57 फिटमेंट फैक्टर का इस्तेमाल किया था।

इस महीने भुवनेश्वर और कोलकाता में बैठक

एक्सपर्ट्स का कहना है कि अगर यूनियंस के प्रस्ताव मान लिए जाते हैं तो रिवाइज्ड बेसिक सैलरी का कैलकुलेशन मौजूदा बेसिक पे में 3.83 से गुणा कर किया जाएगा। हालांकि, 8वां वेतन आयोग कितना फिटमेंट फैक्टर रखता है, अभी इस बारे में कहना मुश्किल है। आयोग देश के अलग-अलग शहरों में एंप्लॉयीज के प्रतिनिधियों से मुलाकात कर रहा है। 22-23 जून को लखनऊ की बैठक के बाद 6-7 जुलाई को भुवनेश्वर और 9-10 जुलाई को कोलकाता में बैठक होने वाली है।

सातवें आयोग ने मिनिमम बेसिक पे 18000 किया था

कुछ एंप्लॉयीज यूनियंस ने मिनिमम बेसिक पे बढ़ाकर 55,000 रुपये करने की मांग की है। उनका कहना है कि बीते कुछ सालों में कॉस्ट ऑफ लिविंग काफी बढ़ी है। खासकर हेल्थकेयर और एजुकेशन पर होने वाला खर्च काफी बढ़ा है। ऐसे में 18000 रुपये का मौजूदा न्यूनतम बेसिक पे पर्याप्त नहीं रह गया है। इससे पहले के वेतन आयोग ने मिनिमम बेसिक पे करीब ढ़ाई गुना कर दिया था। 7वें वेतन आयोग ने मिनिमम बेसिक पे को 7000 से बढ़ाकर 18,000 रुपये कर दिया था। यह 10 साल पहले की बात है।

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अगले साल के मध्य में आयोग सौंप सकता है रिपोर्ट

अनुमान है कि 8वां वेतन आयोग अगले साल के मध्य में अपनी अंतिम रिपोर्ट सरकार को सौंप देगा। इसके बाद केंद्र सरकार इस रिपोर्ट पर व्यापक विचार करेगी। एक्सपर्ट्स का कहना है कि अंतिम फैसला लेने से पहले केंद्र सरकार अपनी वित्तीय स्थिति का भी ध्यान रखेगी। सरकार ने पिछले साल जीएसटी के रेट्स में कमी किए हैं। इस साल अमेरिका-ईरान में लड़ाई की वजह से क्रूड में उछाल आया था। इससे सरकार का इंपोर्ट बिल काफी बढ़ गया था।

घर की ‘एनर्जी’ बदल देंगी ये खास धूप, जानें किस धुएं में छिपा है क्या राज

Incense that purifies the home and fosters positivity. An image showing the traditional practice of burning incense

Burning incense at home: हिंदू परंपरा में घर के भीतर धूप और दीप प्रज्वलित करना केवल एक धार्मिक क्रिया नहीं, बल्कि एक गहरा विज्ञान है। हमारे पूर्वज जानते थे कि खास जड़ी-बूटियों को जलाने से निकलने वाला धुआं घर की नकारात्मक ऊर्जा को नष्ट कर सकारात्मकता का संचार करता है। वास्तु दोष, पितृ दोष और गृह-कलह जैसी समस्याओं को जड़ से खत्म करने के लिए 'धूप' देना सबसे सरल और असरदार तरीका है।

 

1. गुग्गुल और लोबान: पारलौकिक और दैवीय कृपा

2. कपूर: दोषों का काल

3. गुड़-घी का देसी नुस्खा: ऑक्सीजन और शांति का स्रोत

4. षोडशांग और दशांग धूप: रोगों से सुरक्षा का कवच

5. धूप देने से क्या-क्या मिलेंगे फायदे?

6. धूप देने के खास नियम (न करें ये गलतियां):

 

आइए जानते हैं, घर को स्वर्ग बनाने वाली धूप के अलग-अलग प्रकार और उनके लाभ:

 

1. गुग्गुल और लोबान: पारलौकिक और दैवीय कृपा

गुग्गुल: इसकी मीठी सुगंध तनाव को कम करती है। अक्सर इसे गुरुवार और रविवार को जलाया जाता है ताकि घर की वायु शुद्ध रहे।

 

लोबान: इसे जलाने से मानसिक शक्ति बढ़ती है, लेकिन इसके नियम कड़े होते हैं। माना जाता है कि यह सूक्ष्म शक्तियों को आकर्षित करता है, इसलिए इसे विशेषज्ञों की सलाह पर ही जलाएं।

 

2. कपूर: दोषों का काल

कपूर जलाना अक्षय पुण्य का काम माना गया है। वैज्ञानिक रूप से इसकी गंध बैक्टीरिया और वायरस का नाश करती है। जिस घर में नियमित कपूर जलता है, वहां पितृ दोष या वास्तु दोष टिक नहीं पाते।

 

3. षोडशांग और दशांग धूप: रोगों से सुरक्षा का कवच

षोडशांग धूप: यह सबसे खास मानी गई है। इसमें चंदन, कपूर, जटामांसी और गुग्गुल जैसी 16 आयुर्वेदिक वस्तुओं का मिश्रण होता है। इसे उपले पर जलाने से घर में आकस्मिक दुर्घटनाओं और बीमारियों का भय कम होता है।

 

दशांग धूप: यह 10 विशेष सामग्रियों (जैसे गुड़, राल, जटामांसी) से बनती है। इसकी खुशबू घर के सदस्यों के बीच शांति और सामंजस्य बनाए रखती है।

 

4. गुड़-घी का देसी नुस्खा: ऑक्सीजन और शांति का स्रोत

अगर आप कुछ खास नहीं कर सकते, तो जलते हुए कंडे (उपले) पर बराबर मात्रा में गुड़ और घी रखें। यह मिश्रण वातावरण में ऑक्सीजन का स्तर बढ़ाता है और आपके दिमाग के तनाव को तुरंत शांत कर देता है।

 

5. धूप देने से क्या-क्या मिलेंगे फायदे?

वास्तु सुधार: घर के कोनों में दबी नकारात्मक ऊर्जा बाहर निकल जाती है।

 

मानसिक सेहत: घर के सदस्यों का मन शांत रहता है और बीमारियां दूर रहती हैं।

 

दैवीय आशीर्वाद: धूप से देवता और पितृ प्रसन्न होते हैं, जिससे जीवन की बाधाएं स्वतः समाप्त होने लगती हैं।

 

6. धूप देने के खास नियम (न करें ये गलतियां):

कब दें धूप? यदि रोजाना संभव न हो, तो अमावस्या, पूर्णिमा, तेरस और चौदस को सुबह-शाम धूप जरूर दें। याद रखें, सुबह की धूप देवताओं के लिए और शाम की पितरों के लिए होती है।

 

सही दिशा: धूप देने का सबसे श्रेष्ठ स्थान ईशान कोण (North-East) है। कोशिश करें कि इसका धुआं घर के हर कमरे में पहुंचे।

 

शांति का माहौल: जब धूप का धुआं घर में फैल रहा हो, तब तेज संगीत न बजाएं और कम से कम बात करें। यह समय आत्म-चिंतन और शांति का है।

 

पवित्रता: हमेशा स्नान के बाद और घर की साफ-सफाई करने के बाद ही धूप प्रज्वलित करें।

 

संक्षेप में कहा जाए तो 'धूप' केवल धुआं नहीं, बल्कि आपके घर की 'एनर्जी' को रिचार्ज करने का प्राचीन माध्यम है। आज ही अपनी पसंद और जरूरत के अनुसार धूप का चयन करें और घर में खुशहाली का अनुभव करें।

 

अस्वीकरण (Disclaimer) : चिकित्सा, स्वास्थ्य संबंधी नुस्खे, योग, धर्म, ज्योतिष, इतिहास, पुराण आदि विषयों पर वेबदुनिया में प्रकाशित/प्रसारित वीडियो, आलेख एवं समाचार सिर्फ आपकी जानकारी के लिए हैं, जो विभिन्न सोर्स से लिए जाते हैं। इनसे संबंधित सत्यता की पुष्टि वेबदुनिया नहीं करता है। सेहत या ज्योतिष संबंधी किसी भी प्रयोग से पहले विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें। इस कंटेंट को जनरुचि को ध्यान में रखकर यहां प्रस्तुत किया गया है जिसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है।

 

CBSE Class 9 R3 evaluation: तीसरी भाषा का मूल्यांकन सिर्फ लिखने-पढ़ने पर नहीं बोलने और सुनने के आधार पर होगा, जानें कैसे मिलेंगे नंबर

CBSE Class 9 R3 evaluation: सीबीएसई बोर्ड ने कक्षा 9 में पढ़ रहे छात्रों के लिए यह बड़ा और अहम अपडेट है। बोर्ड ने शैक्षिक सत्र 2026-27 से 9वीं कक्षा में नई शिक्षा नीति (NEP) 2020 के तहत 3 भाषा नियम लागू किया है। सीबीएसई ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 से कक्षा नौ की तीसरी भाषा (आर-3) के लिए नया असेसमेंट फ्रेमवर्क लागू कर दिया है। बोर्ड ने मूल्यांकन के नियम तय किए हैं, जिसके तहत तीसरी भाषा में लिखने-पढ़ने की बजाय बोलने और सुनने में सर्वाधिक अंक मिलेंगे।

बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि 9वीं कक्षा में तीसरी भाषा की पूरी मूल्यांकन प्रक्रिया स्कूल स्तर पर ही की जाएगी। इसके तहत विभिन्न स्तर पर छात्रों का मूल्यांकन पूरे साल किया जाएगा। सीबीएसई के अनुसार यह पाठ्यक्रम एनसीईआरटी ने विकसित किया है। इसका उद्देश्य छात्रों में भाषा को पहले सुनकर समझने और बोलने का आत्मविश्वास विकसित करना है, ताकि वे स्वाभाविक रूप से भाषा का प्रयोग कर सकें। सीबीएसई ने बताया है कि आर3 भाषा के लर्निंग रिसोर्स एनसीईआरटी की वेबसाइट पर उपलब्ध करा दिए गए हैं और सभी संबद्ध स्कूलों से इन्हें कक्षा शिक्षण में शामिल करने को कहा गया है।

R3 मूल्यांकन के लिए बोर्ड ने अपनाई ‘ओरल फर्स्ट पेडागोजी’

बोर्ड ने 9वीं कक्षा में R3 के मूल्यांकन के लिए ‘ओरल-फर्स्ट पेडागोजी’ (मौखिक-प्रथम शिक्षण पद्धति) को अपनाया है। इसके 100 अंकों का स्कूल-आधारित मूल्यांकन किया जाएगा। 9वीं कक्षा के छात्रों को आंतरिक मूल्यांकन में सर्वाधिक 40 अंक सुनने और बोलने के कौशल के लिए जाएंगे। वहीं, तीसरी भाषा पढ़ने के कौशल के लिए 20 अंक रखे गए हैं। जबकि, रचनात्मक लेखन के लिए 15 अंक, पाठ्यपुस्तक आधारित लेखन के लिए 10 और प्रोजेक्ट वर्क के लिए 15 अंक तय किए गए हैं।

पूरे साल चलेगा सुनने और बोलने का मूल्यांकन

सीबीएसई बोर्ड की R3 के लिए बनाई गई नई व्यवस्था के तहत परीक्षार्थियों का सुनने और बोलने का मूल्यांकन पूरे शैक्षणिक सत्र के दौरान विभिन्न कक्षा गतिविधियों के माध्यम से किया जाएगा। शिक्षकों को निर्धारित सूची में से किसी भी आठ गतिविधियों का मूल्यांकन करना होगा और प्रत्येक गतिविधि के लिए पांच अंक निर्धारित होंगे। इन गतिविधियों में सुनकर प्रश्नों के उत्तर देना, चित्र या घटना का वर्णन करना, समूह चर्चा, स्वयं एवं परिवार का परिचय देना, रोल प्ले, वाद-विवाद, दैनिक जीवन से जुड़े संवाद और अन्य मौखिक गतिविधियां शामिल हैं। यह मूल्यांकन 40 अंकों का होगा। बोर्ड ने स्कूलों को छात्रों की रुचि के अनुसार गतिविधियों का चयन करने के लिए भी प्रोत्साहित किया है।

R3 पढ़ने और लिखने के लिए 20 नंबर तय

बोर्ड ने R3 के पठन कौशल यानी रीडिंग स्किल के लिए 20 अंक निर्धारित किए हैं। इसमें अध्ययन सामग्री से लगभग 100-100 शब्दों के दो पठित गद्यांश दिए जाएंगे, जिन पर आधारित बहुविकल्पीय प्रश्न, सही-गलत, रिक्त स्थान पूर्ति और अति लघु उत्तरीय प्रश्न पूछे जाएंगे। वहीं, 15 अंक के रचनात्मक लेखन (क्रिएटिव राइटिंग) में 30-40 शब्दों का अनौपचारिक निमंत्रण या संदेश, चित्र वर्णन, 100 शब्दों तक की सरल कहानी और दैनिक जीवन की परिस्थितियों पर आधारित संवाद लेखन शामिल होगा। इसके अतिरिक्त पाठ्य सामग्री पर आधारित लेखन कौशल के लिए 10 अंक तय हैं, जिनमें लघु एवं दीर्घ उत्तरीय प्रश्न पूछे जाएंगे।

R3 पर प्रोजेक्ट के लिए 15 नंबर और 5 नंकर का वाइवा

बोर्ड ने R3 के मूल्यांकन में 15 अंकों का प्रोजेक्ट वर्क भी अनिवार्य किया है। इसके लिए स्थानीय रीति-रिवाज, त्योहार, लोक कला, तकनीकी नवाचार, स्थानीय साहित्यकार या क्षेत्रीय संस्कृति जैसे विषय सुझाए गए हैं। बोर्ड ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि प्रोजेक्ट का मूल्यांकन उसकी सजावट के आधार पर नहीं, बल्कि छात्र की मौलिकता, शोध, समझ और विषयवस्तु की गुणवत्ता के आधार पर किया जाएगा। प्रोजेक्ट के साथ पांच अंकों का मौखिक परीक्षण (वाइवा) भी होगा।

NEET UG Result 2026: 20 जुलाई को जारी होगा नीट यूजी रिजल्ट? जानें एनटीए अधिकारी ने क्या दिया अपडेट

IPOs This Week: 6 जुलाई से शुरू हफ्ते में खुलेंगे ₹717 करोड़ के 3 नए इश्यू, 10 कंपनियां होंगी लिस्ट

6 जुलाई से शुरू हफ्ते में देश के IPO मार्केट में हलचल बनी रहेगी। इसका कारण है कि 3 नए पब्लिक इश्यू खुलने वाले हैं। इनमें से एक मेनबोर्ड सेगमेंट से है। इसके अलावा नए सप्ताह में पहले से खुले एक IPO में भी पैसे लगाने का मौका रहेगा। लेकिन यह SME है। जहां तक शेयर बाजार में लिस्ट होने वाली नई कंपनियों की बात है तो नए शुरू हो रहे सप्ताह में 10 कंपनियों के शेयर अपनी शुरुआत करने वाले हैं। इनमें से 2 कंपनियां मेनबोर्ड सेगमेंट की हैं। आइए जानते हैं डिटेल…

नए खुल रहे IPO

Kusumgar IPO: मेनबोर्ड सेगमेंट में ₹650 करोड़ का इश्यू 8 जुलाई को खुलेगा और 10 जुलाई को बंद होगा। प्राइस बैंड ₹398-₹419 प्रति शेयर और लॉट साइज 35 शेयर है। कंपनी की लिस्टिंग NSE और BSE पर 15 जुलाई को हो सकती है।

Devson Catalyst IPO: यह 9 जुलाई को ओपन होगा। इसमें ₹112-₹118 प्रति शेयर के प्राइस बैंड में और 1200 शेयरों के लॉट में 13 जुलाई तक पैसे लगा सकते हैं। कंपनी ₹42.34 करोड़ जुटाना चाहती है। शेयरों की लिस्टिंग BSE SME पर 16 जुलाई को होने की उम्मीद है।

Happy Steels IPO: यह भी 9 जुलाई को खुलेगा और 13 जुलाई को बंद होगा। इश्यू का साइज ₹25 करोड़ है। प्राइस बैंड ₹62-₹66 प्रति शेयर है। लॉट साइज 2,000 शेयर है। कंपनी के शेयर NSE SME पर 16 जुलाई को शुरुआत कर सकते हैं।

पहले से खुले पब्लिक इश्यू

IC Electricals IPO: ₹47.91 करोड़ का इश्यू 3 जुलाई को खुला था। अब तक यह 7.18 गुना भरा है। प्राइस बैंड ₹94-₹99 प्रति शेयर और लॉट साइज 1,200 शेयर है। 7 जुलाई को इश्यू की क्लोजिंग के बाद शेयरों की लिस्टिंग NSE SME पर 10 जुलाई को हो सकती है।

Parle Products IPO: पारले-जी बनाने वाली कंपनी का आएगा आईपीओ, ₹1 लाख करोड़ से ज्यादा के वैल्यूएशन पर नजर : सूत्र

लिस्ट होने वाली कंपनियां

नए शुरू हो रहे सप्ताह में 6 जुलाई को मेनबोर्ड सेगमेंट में NSE और BSE पर Aastha Spintex की लिस्टिंग हो सकती है। इसी दिन BSE SME पर Adon Agro Commodities के शेयर लिस्ट होने की उम्मीद है। इसके बाद 7 जुलाई को BSE SME पर Kratikal Tech, Seemax Resources, Atharva Polyplast और Sampark India Logistics के शेयर अपनी शुरुआत कर सकते हैं। NSE SME पर Vinit Mobile और Teja Engineering Industries की लिस्टिंग होने वाली है। 8 जुलाई को NSE और BSE पर Knack Packaging की लिस्टिंग हो सकती है। 10 जुलाई को NSE SME पर IC Electricals के शेयर अपनी शुरुआत कर सकते हैं।

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।