IPOs This Week: 6 जुलाई से शुरू हफ्ते में खुलेंगे ₹717 करोड़ के 3 नए इश्यू, 10 कंपनियां होंगी लिस्ट

6 जुलाई से शुरू हफ्ते में देश के IPO मार्केट में हलचल बनी रहेगी। इसका कारण है कि 3 नए पब्लिक इश्यू खुलने वाले हैं। इनमें से एक मेनबोर्ड सेगमेंट से है। इसके अलावा नए सप्ताह में पहले से खुले एक IPO में भी पैसे लगाने का मौका रहेगा। लेकिन यह SME है। जहां तक शेयर बाजार में लिस्ट होने वाली नई कंपनियों की बात है तो नए शुरू हो रहे सप्ताह में 10 कंपनियों के शेयर अपनी शुरुआत करने वाले हैं। इनमें से 2 कंपनियां मेनबोर्ड सेगमेंट की हैं। आइए जानते हैं डिटेल…

नए खुल रहे IPO

Kusumgar IPO: मेनबोर्ड सेगमेंट में ₹650 करोड़ का इश्यू 8 जुलाई को खुलेगा और 10 जुलाई को बंद होगा। प्राइस बैंड ₹398-₹419 प्रति शेयर और लॉट साइज 35 शेयर है। कंपनी की लिस्टिंग NSE और BSE पर 15 जुलाई को हो सकती है।

Devson Catalyst IPO: यह 9 जुलाई को ओपन होगा। इसमें ₹112-₹118 प्रति शेयर के प्राइस बैंड में और 1200 शेयरों के लॉट में 13 जुलाई तक पैसे लगा सकते हैं। कंपनी ₹42.34 करोड़ जुटाना चाहती है। शेयरों की लिस्टिंग BSE SME पर 16 जुलाई को होने की उम्मीद है।

Happy Steels IPO: यह भी 9 जुलाई को खुलेगा और 13 जुलाई को बंद होगा। इश्यू का साइज ₹25 करोड़ है। प्राइस बैंड ₹62-₹66 प्रति शेयर है। लॉट साइज 2,000 शेयर है। कंपनी के शेयर NSE SME पर 16 जुलाई को शुरुआत कर सकते हैं।

पहले से खुले पब्लिक इश्यू

IC Electricals IPO: ₹47.91 करोड़ का इश्यू 3 जुलाई को खुला था। अब तक यह 7.18 गुना भरा है। प्राइस बैंड ₹94-₹99 प्रति शेयर और लॉट साइज 1,200 शेयर है। 7 जुलाई को इश्यू की क्लोजिंग के बाद शेयरों की लिस्टिंग NSE SME पर 10 जुलाई को हो सकती है।

Parle Products IPO: पारले-जी बनाने वाली कंपनी का आएगा आईपीओ, ₹1 लाख करोड़ से ज्यादा के वैल्यूएशन पर नजर : सूत्र

लिस्ट होने वाली कंपनियां

नए शुरू हो रहे सप्ताह में 6 जुलाई को मेनबोर्ड सेगमेंट में NSE और BSE पर Aastha Spintex की लिस्टिंग हो सकती है। इसी दिन BSE SME पर Adon Agro Commodities के शेयर लिस्ट होने की उम्मीद है। इसके बाद 7 जुलाई को BSE SME पर Kratikal Tech, Seemax Resources, Atharva Polyplast और Sampark India Logistics के शेयर अपनी शुरुआत कर सकते हैं। NSE SME पर Vinit Mobile और Teja Engineering Industries की लिस्टिंग होने वाली है। 8 जुलाई को NSE और BSE पर Knack Packaging की लिस्टिंग हो सकती है। 10 जुलाई को NSE SME पर IC Electricals के शेयर अपनी शुरुआत कर सकते हैं।

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

Kusumgar IPO: 8 जुलाई को खुलेगा ₹650 करोड़ का IPO, प्रमोटर OFS के जरिए बेचेंगे हिस्सेदारी

Kusumgar IPO: मुंबई की सिंथेटिक फैब्रिक बनाने वाली कंपनी Kusumgar का 650 करोड़ रुपये का IPO 8 जुलाई को निवेशकों के लिए खुलेगा। जुलाई महीने में खुलने वाला यह दूसरा IPO होगा। इससे पहले Knack Packaging का IPO 3 जुलाई को बंद होगा।

कब खुलेगा IPO और कब होगी लिस्टिंग?

IPO का एंकर बुक 7 जुलाई को खुलेगा। रिटेल इनवेस्टर 8 जुलाई से 10 जुलाई के बीच Kusumgar IPO में पैसे लगा सकेंगे। शेयरों के अलॉटमेंट को 13 जुलाई तक अंतिम रूप दिए जाने की उम्मीद है। इसके बाद कंपनी के शेयर 15 जुलाई को शेयर बाजार में लिस्ट हो सकते हैं।

कंपनी को नहीं मिलेगा IPO का पैसा

यह IPO पूरी तरह ऑफर फॉर सेल (OFS) है। यानी इसमें कोई फ्रेश इश्यू नहीं है। इसका मतलब है कि IPO से मिलने वाला पूरा पैसा शेयर बेचने वाले मौजूदा शेयरधारकों को मिलेगा। कंपनी के पास इस इश्यू से कोई पैसा नहीं आएगा।

IPO के जरिए कंपनी के प्रमोटर सिद्धार्थ योगेश कुसुमगर, उनकी पत्नी सपना सिद्धार्थ कुसुमगर और Siddharth Yogesh Kusumgar HUF अपनी हिस्सेदारी बेच रहे हैं। कंपनी के मुताबिक, IPO लाने का मकसद ऑफर फॉर सेल पूरा करना और कंपनी के शेयरों को शेयर बाजार में लिस्ट कराना है।

क्या काम करती है Kusumgar?

Kusumgar इंजीनियर्ड फैब्रिक और उससे जुड़े सॉल्यूशन तैयार करती है। कंपनी पॉलीअमाइड, पॉलिएस्टर फिलामेंट और पॉलीयूरेथेन आधारित फैब्रिक बनाती है। इसके प्रोडक्ट एयरोस्पेस और डिफेंस, इंडस्ट्रियल, ऑटोमोबाइल, आउटडोर और लाइफस्टाइल जैसे कई सेक्टर में इस्तेमाल होते हैं।

कंपनी का कारोबार कैसा है?

वित्त वर्ष 2025-26 में कंपनी का प्रदर्शन कमजोर रहा। कंपनी का मुनाफा 12.3% घटकर 98.2 करोड़ रुपये रह गया। वहीं, रेवेन्यू 11.2% गिरकर 692 करोड़ रुपये पर आ गया।

हालांकि, इससे पहले वित्त वर्ष 2024-25 में कंपनी ने बेहतर प्रदर्शन किया था। उस दौरान मुनाफा 32.7% बढ़कर 112 करोड़ रुपये पहुंच गया था। वहीं, रेवेन्यू 66.5% बढ़कर 779 करोड़ रुपये हो गया था। यानी पिछले दो वित्त वर्षों में कंपनी के कारोबार में उतार-चढ़ाव देखने को मिला है।

कौन संभाल रहा है IPO?

Kusumgar ने अपने पात्र कर्मचारियों के लिए 3.5 करोड़ रुपये के इक्विटी शेयर आरक्षित रखे हैं। इस IPO के बुक रनिंग लीड मैनेजर (BRLM) Axis Capital, IIFL Capital Services और Motilal Oswal Investment Advisors हैं।

Parle Products IPO: पारले-जी बनाने वाली कंपनी का आएगा आईपीओ, ₹1 लाख करोड़ से ज्यादा के वैल्यूएशन पर नजर : सूत्र

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

Parle Products IPO: पारले-जी बनाने वाली कंपनी का आएगा आईपीओ, ₹1 लाख करोड़ से ज्यादा के वैल्यूएशन पर नजर : सूत्र

Parle Products IPO: Parle-G, Melody और Mango Bite जैसे लोकप्रिय ब्रांड बनाने वाली Parle Products अगले साल 1 अरब डॉलर (करीब 9,530 करोड़ रुपये) से बड़ा IPO लाने की तैयारी कर रही है। मामले की जानकारी रखने वाले कई सूत्रों ने Moneycontrol को यह जानकारी दी है।

सूत्रों के मुताबिक, चूंकि ये देश प्रतिष्ठित ब्रांड है, ऐसे में प्रस्तावित IPO का साइज1 अरब डॉलर से अधिक हो सकता है। उन्होंने बताया कि प्रक्रिया अभी शुरुआती चरण में है और अंतिम फैसला नहीं हुआ है। फिलहाल कंपनी 10.5 अरब डॉलर (करीब 1 लाख करोड़ रुपये) से अधिक के वैल्यूएशन का लक्ष्य लेकर चल रही है। हालांकि, बाजार की स्थिति के हिसाब से IPO का साइड और वैल्यूएशन बदल सकता है।

किन बैंकों को मिल सकती है जिम्मेदारी?

सूत्रों के मुताबिक, कंपनी ने अप्रैल में Request for Proposal (RFP) जारी किया था। इसके बाद कई इन्वेस्टमेंट बैंकों ने अपनी प्रेजेंटेशन दी। फिलहाल कंपनी ने Kotak Mahindra Capital, Axis Capital और HSBC Securities को सलाहकार के तौर पर चुना है।

दो अन्य सूत्रों ने भी इन नामों की पुष्टि की। इनमें से एक ने बताया कि कंपनी चौथे इन्वेस्टमेंट बैंक को भी सलाहकार समूह में शामिल करने पर विचार कर रही है। इस संबंध में बातचीत जारी है।

Parle Products ने क्या कहा?

Moneycontrol ने जब Parle Products से संपर्क किया तो कंपनी के चीफ मार्केटिंग ऑफिसर (CMO) मयंक शाह ने कहा कि कंपनी बाजार में चल रही अटकलों पर टिप्पणी नहीं करती। फिलहाल उसका पूरा फोकस कारोबार को बढ़ाने पर है। उन्होंने कहा कि हर बड़ी कंपनी की तरह Parle Products भी ग्रोथ के लिए तमाम विकल्पों का मूल्यांकन करती रहती है।

वहीं, Kotak Mahindra Capital और Axis Capital ने इस खबर पर कोई जवाब नहीं दिया। HSBC Securities ने टिप्पणी करने से इनकार कर दिया।

Parle Agro से अलग है Parle Products

विजय चौहान के अगुआई वाली Parle Products असल में जयंतीलाल चौहान, सचौना चौान नादिया चौहान के नेतृत्व वाली Parle Agro से अलग कंपनी है। Parle Agro Frooti, Appy Fizz और Bailley जैसे ब्रांड बनाती है। परिवार के बंटवारे के बाद दोनों कंपनियां स्वतंत्र रूप से कारोबार कर रही हैं।

किन कंपनियों से है मुकाबला?

भारतीय बाजार में Parle Products की प्रतिस्पर्धा Britannia, ITC (Sunfeast), Mondelez India, Perfetti, Priya Gold, Anmol Industries और Cremica जैसी कंपनियों से है।

Hurun India 500 की 2025 रिपोर्ट के मुताबिक, Parle Products का अनुमानित वैल्यूएशन 75,420 करोड़ रुपये था। इस वैल्यूएशन के साथ यह भारत की सातवीं सबसे मूल्यवान गैर-सूचीबद्ध (Unlisted) कंपनी थी।

पहले IPO से किया था इनकार

20 मई को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी को Melody टॉफी भेंट करने का वीडियो वायरल होने के बाद CMO मयंक शाह ने कहा था कि इससे भारतीय ब्रांड को वैश्विक पहचान मिलेगी।

उसी दौरान जब उनसे IPO की योजना के बारे में पूछा गया था, तो उन्होंने कहा था कि फिलहाल कंपनी लिस्टिंग पर विचार नहीं कर रही है। उन्होंने कहा था कि Parle Products लंबे समय से एक प्राइवेट लिमिटेड कंपनी है और फिलहाल उसी तरह बने रहने की योजना है।

कंपनी का कारोबार कितना बड़ा है?

मुंबई के विले पार्ले में मुख्यालय वाली Parle Products की स्थापना 1929 में हुई थी। Parle-G के अलावा कंपनी के पोर्टफोलियो में KrackJack, Monaco, Hide & Seek और Poppins जैसे लोकप्रिय ब्रांड भी शामिल हैं।

PTI की रिपोर्ट के अनुसार, वित्त वर्ष 2024-25 में कंपनी का ऑपरेशनल रेवेन्यू 8.5% बढ़कर 15,568.49 करोड़ रुपये रहा। हालांकि, इसी दौरान उसका मुनाफा 39% घटकर 979.53 करोड़ रुपये रह गया।

बिस्किट और कन्फेक्शनरी के अलावा कंपनी केक, रस्क, आटा और ब्रेकफास्ट सीरियल जैसे सेगमेंट में भी मौजूद है। कंपनी के प्रोडक्ट अमेरिका, ब्रिटेन, कनाडा, न्यूजीलैंड और मध्य-पूर्व सहित कई देशों में बिकते हैं। इसके अलावा नाइजीरिया, कैमरून, घाना, इथियोपिया, केन्या, आइवरी कोस्ट, नेपाल और मेक्सिको समेत कई देशों में इसके मैन्युफैक्चरिंग प्लांट भी हैं।

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