Stock Market Fall: 243 प्वाइंट्स टूटा Sensex, इन 4 वजहों से Nifty आया 24100 के करीब

Stock Market Fall: अमेरिका और ईरान की बढ़ती तल्खी से कच्चे तेल में उबाल आया जिसमें स्टॉक मार्केट झुलस गया। इसकी आंच में सेंसेक्स 243 प्वाइंट्स फिसल गया तो निफ्टी भी 24100 के काफी करीब आ गया। ब्रोडर लेवल पर भी बिकवाली का दबाव आया और निफ्टी मिडकैप 100 और निफ्टी स्मॉलकैप 100 में गिरावट दिख रही है। अब इक्विटी बेंचमार्क इंडेक्सेज की बात करें तो फिलहाल 10:25 AM पर सेंसेक्स (Sensex) 231.64 प्वाइंट्स यानी 0.30% की गिरावट के साथ 77,137.47 और निफ्टी 50 (Nifty 50) भी 99.50 प्वाइंट्स यानी 0.41% की फिसलन के साथ 24,119.55 पर है। इंट्रा-डे में सेंसेक्स 243.20 प्वाइंट्स टूटकर 77,125.91 और निफ्टी भी 103.60 प्वाइंट्स गिरकर 24,115.45 तक आ गया।

Stock Market Fall: ये है वजह

ईरान पर आर्थिक प्रतिबंधों का ऐलान

अमेरिका ने ईरान के ऑयल,डिजिटल एसेट,तकनीक,सोना,एविएशन और शिपिंग सेक्टर पर प्रतिबंध लगाने का ऐलान किया है। अमेरिकी वित्त मंत्री ने कहा कि ईरान का साथ देने वाले देशों पर भी कार्रवाई होगी। उधर ईरान ने डॉलर सिस्टम से हटने की चेतावनी देते हुए कहा है कि यह एक्ट ऑफ वॉर है।

कच्चे तेल में उबाल

अमेरिका और ईरान के बीच तनाव गहराने पर कच्चा तेल उबल पड़ा। वैश्विक ऑयल बेंचमार्क ब्रेंट क्रूड उछलकर प्रति बैरल $91 के करीब पहुंचा तो स्टॉक मार्केट में भी इसकी आंच महसूस हुई।

Nifty की मंथली एक्सपायरी समेत एक्सपायरीज की बाढ़

आज एनएसई के निफ्टी और बैंक निफ्टी समेत सभी इंडेक्सेज और स्टॉक्स के डेरिवेटिव कॉन्ट्रैक्ट्स की मंथली एक्सपायरी है। ऐसे में ट्रेडर्स को आज अपनी मंथली पोजिशन को स्क्वेयर ऑफ करना है तो इसका असर मार्केट पर दिख रहा है। यह CAS (क्लोजिंग ऑक्शन सेशन) लागू होने के बाद पहली मंथली एक्सपायरी होगी।

मेटल और आईटी स्टॉक्स का दबाव

मार्केट पर आज मेटल और ऑटी सेक्टर में बिकवाली का दबाव दिख रहा है। निफ्टी मेटल में करीब 1% और निफ्टी आईटी में आधे फीसदी से अधिक की गिरावट है तो निफ्टी ऑटो में भी आधे फीसदी से अधिक फिसलन है।

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डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

Trading Plan: दायरे में फंसा बाजार, ICICI सिक्योरिटीज के जय ठक्कर से जाने निफ्टी-बैंक निफ्टी में कैसे होगी कमाई

Trading Plan: मार्केट एक्सपर्ट्स की राय है कि निफ्टी में कंसोलिडेशन जारी रह सकता है। बाजार को साफ दिशा पकड़ने के लिए सोमवार के ट्रेडिंग रेंज (24,150–24,300) से साफ तौर पर बाहर निकलना होगा। मंथली F&O एक्सपायरी से पहले बाजार में सावधानी का माहौल होने के बावजूद, मोमेंटम इंडिकेटर्स ने अंडरलाइंग मोमेंटम में कुछ सुधार के संकेत दिए हैं। अगर इंडेक्स 24,300 के ऊपर मजबूती दिखाता है तो यह 24,500 की ओर बढ़ सकता है। वहीं,अगर यह 24,150–24,100 के नीचे गिरता है तो 24,000 के स्तर की ओर गिरावट की संभावना बढ़ सकती है।

उधर बैंक निफ्टी के 57,235 पर अपने 50-डे EMA को बनाए रखने की संभावना है,जो इस महीने क्लोजिंग बेसिस पर अच्छी तरह से टिका हुआ है। जानकारों के अनुसार,अगर यह लेवल टूटता है तो इंडेक्स 57,000–56,700 की ओर जा सकता है,जबकि 57,900 के ऊपर जाने पर यह 58,250 की ओर बढ़ सकता है।

निफ्टी आउटलुक और रणनीति

ICICI सिक्योरिटीज के वाइस प्रेसिडेंट और हेड ऑफ डेरिवेटिव्स एंड क्वांट रिसर्च, जय ठक्कर का कहना है कि निफ्टी पिछले हफ्ते और इस हफ्ते के पहले दिन भी गिरावट के साथ बंद हुआ,जिससे पता चलता है कि ऊपरी स्तरों पर बिकवाली का दबाव है। बैंक निफ्टी ऊंचे स्तरों से तेजी से गिरा,जिसका असर निफ्टी पर भी पड़ा। निफ्टी का सबसे ज्यादा पुट बेस 24,000 के स्तर पर है,जो इसे निचले स्तरों पर एक अहम सपोर्ट बनाता है,जबकि 24500 का स्तर तुरंत रेजिस्टेंस का काम कर रहा है। इसलिए,इंडेक्स के लिए निकट-अवधि की रेंज 24,000–24,500 है। जब तक इस रेंज से ब्रेकआउट नहीं होता,तब तक बाजार के साइडवेज रहने की संभावना है।

अब तक रोलओवर का स्तर ठीक-ठाक रहा है। पिछले शुक्रवार तक,पूरे मार्केट में रोलओवर 40 प्रतिशत था। जबकि सोमवार तक निफ्टी में गिरावट का रुख बना रहा। इससे पता चलता है कि FIIs शॉर्ट पोजीशन बढ़ा रहे हैं या उन्हें रोलओवर कर रहे हैं (कम से कम इंडेक्स में),क्योंकि हाल ही में नेट इंडेक्स शॉर्ट्स 1.5 लाख कॉन्ट्रैक्ट्स से बढ़कर 2.10 लाख कॉन्ट्रैक्ट्स हो गए हैं।

हालांकि,India VIX निचले स्तरों पर ट्रेड कर रहा है,लेकिन पिछले कुछ ट्रेडिंग सेशन में इसमें इंट्राडे उछाल देखा गया है। कच्चे तेल की ऊंची कीमतें निकट भविष्य में ग्लोबल इक्विटी के लिए एक निगेटिव फैक्टर बनी हुई हैं। जब तक कच्चे तेल की कीमतें कम नहीं होतीं,महंगाई का जोखिम इंडेक्स पर ऊपरी स्तरों पर दबाव बनाए रखता है।

अहम रेजिस्टेंस: 24,500

अहम सपोर्ट: 24,000

रणनीति: 24,100 के आस-पास गिरावट आने पर निफ्टी फ्यूचर्स खरीदें। स्टॉप-लॉस 23,950 के नीचे रखें और टारगेट 24,400 व 24,500 रखें।

बैंक-निफ्टी आउटलुक और रणनीति

जय ठक्कर का कहना है कि निफ्टी की तरह ही बैंक निफ्टी भी एक दायरे में फंसा हुआ है। ऊपर की तरफ,58,000 स्ट्राइक पर सबसे ज्यादा कॉल बेस है, जबकि स्विंग रेजिस्टेंस 58,500 पर है। नीचे की तरफ,57,000 स्ट्राइक पर सबसे ज़्यादा पुट ओपन इंटरेस्ट है,जिससे यह एक तत्काल सपोर्ट लेवल बन गया है, जबकि 56,000 अगला सपोर्ट लेवल है। ऐसे में इसका शॉर्ट-टर्म रेंज 57,000–58,000 है,जबकि मीडियम-टर्म रेंज 56,000–58,500 है। निफ्टी PSU बैंक नेगेटिव ट्रेंड के साथ ट्रेड कर रहे हैं और इनमें काफी संख्या में शॉर्ट पोजीशन बनी हैं। वहीं,पिछले कुछ ट्रेडिंग सेशन में प्राइवेट-सेक्टर बैंक इंडेक्स का प्रदर्शन PSU बैंक इंडेक्स से बेहतर रहा है। हालांकि एक्सिस बैंक और HDFC बैंक इसके अपवाद रहे हैं,क्योंकि बाकी ज्यादातर स्टॉक अपेक्षाकृत बेहतर ट्रेड कर रहे हैं। इसलिए,अगर बैंकिंग सेक्टर में शॉर्ट-कवरिंग होती है तो तेजी से ब्रेकआउट हो सकता है, जिससे इंडेक्स 60,000 और उससे ऊपर जा सकता है।

अहम रेजिस्टेंस: 58,000, 58,500

अहम सपोर्ट: 57,000

स्ट्रेटेजी: 58,000 के ऊपर बैंक निफ्टी फ्यूचर्स खरीदें,57,000 के नीचे स्टॉप-लॉस रखें और 60,000 का टारगेट रखें।

 

 

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मंत्रियों, सांसदों और विधायकों को नहीं मिलेगी बागवानी सब्सिडी; केंद्र सरकार ने बदले NHB के नियम, कितनी मिलती थी सब्सिडी, क्या था नियम?

Horticulture subsidy rules: केंद्र सरकार ने नेशनल हॉर्टिकल्चर बोर्ड (NHB) की कमर्शियल हॉर्टिकल्चर और कोल्ड स्टोरेज स्कीम के तहत आर्थिक मदद पाने के लिए योग्यता के नियमों को और सख्त कर दिया है। अब संवैधानिक पदों पर बैठे लोगों के अलावा मौजूदा मंत्रियों, सांसद (MP), विधायक (MLA), मेयर और जिला पंचायत अध्यक्षों समेत कई कैटेगरी के लोग योजना के लाभ से बाहर होंगे। नई गाइडलाइंस 21 अगस्त को जारी की गईं। इसी के साथ ये तुरंत लागू हो गई हैं।

बदली हुई गाइडलाइंस के अनुसार, केंद्र और राज्य सरकार के मंत्रालयों और विभागों, पब्लिक सेक्टर अंडरटेकिंग्स, ऑटोनॉमस बॉडीज और लोकल बॉडीज के कर्मचारियों को भी NHB से आर्थिक मदद पाने के लिए अयोग्य घोषित कर दिया गया है।

हालांकि, मल्टी-टास्किंग स्टाफ (MTS) और क्लास IV कर्मचारियों को इस नियम से छूट दी गई है। इसके अलावा, ₹10,000 या उससे अधिक की मासिक पेंशन पाने वाले रिटायर्ड कर्मचारी या पेंशनभोगी भी इस स्कीम के तहत योग्य नहीं होंगे।

बदली हुई गाइडलाइंस के तहत, इन कैटेगरी में आने वाले लोगों के परिवार के सदस्य स्कीम के तहत एक बार आर्थिक मदद ले सकते हैं, बशर्ते वे परिवार की नई परिभाषा के तहत योग्यता के नियमों को पूरा करते हों।

‘परिवार’ की इस परिभाषा में आवेदक के जीवनसाथी, माता-पिता, बेटे और बेटियाँ शामिल हैं। NHB स्कीम के तहत आर्थिक मदद के लिए प्रति परिवार केवल एक सदस्य ही योग्य है। गाइडलाइंस के अनुसार, परिवार के किसी भी सदस्य को दी गई आर्थिक मदद को पूरे परिवार को दी गई मदद माना जाएगा।

नियमों में क्यों करने पड़े बदलाव?

NHB ने कहा कि इन बदलावों का मकसद आर्थिक मदद को तर्कसंगत बनाना, फायदों का समान वितरण सुनिश्चित करना, सब्सिडी के दोहराव को रोकना और स्कीम को लागू करने की प्रक्रिया को ज़्यादा पारदर्शी और असरदार बनाना है। ये बदलाव कुछ हफ्ते पहले यह पता चलने के बाद किए गए हैं कि केंद्रीय कृषि राज्य मंत्री भागीरथ चौधरी और BJP सांसद लुंबा राम ने NHB स्कीम के तहत फायदा उठाया था।

मंत्री ने सब्सिडी लौटाया

कृषि राज्य मंत्री रामनाथ ठाकुर ने 28 जुलाई को संसद को बताया था कि चौधरी ने संबंधित बैंक को सब्सिडी की रकम लौटा दी थी। बैंक को निर्देश दिया गया था कि वह फंड NHB को वापस भेज दे। ‘हॉर्टिकल्चर फसलों के उत्पादन और कटाई के बाद के मैनेजमेंट के जरिए कमर्शियल हॉर्टिकल्चर का विकास’ नाम की इस स्कीम का मकसद बड़े पैमाने पर हॉर्टिकल्चर फसलों की कमर्शियल खेती (मुनाफे के लिए) को बढ़ावा देना है।

इस स्कीम में तीन तरह की सब्जियां जैसे शिमला मिर्च, खीरा और टमाटर और आठ तरह के फूल जैसे गुलाब, लिली और गुलदाउदी शामिल हैं। इस स्कीम के तहत प्रोजेक्ट की लागत का 50% सब्सिडी के तौर पर दिया जाता था, जिसकी अधिकतम सीमा प्रति परिवार 1 करोड़ रुपये तय की गई थी।

केंद्र सरकार की बागवानी सब्सिडी स्कीम का पूरा नाम Mission for Integrated Development of Horticulture (MIDH) है। यह केंद्र की अहम योजना है। यह फल, सब्जी, फूल, मसाले, मशरूम, नर्सरी आदि बागवानी गतिविधियों को कवर करती है। सब्सिडी काम और फसल के हिसाब से अलग होती है।

Bank Holiday Today: आज 25 अगस्त को देश के कई राज्यों में बंद है बैंक! जानिए आपके शहर का हाल

Bank Holiday Today 25 August: आज यानी 25 अगस्त, मंगलवार को अगर आपका बैंक शाखा जाकर कोई वित्तीय काम निपटाने का प्लान है, तो यह खबर आपके लिए बहुत जरूरी है। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की आधिकारिक हॉलीडे लिस्ट के मुताबिक, आज देश के कुछ खास राज्यों और शहरों में मिलाद-ए-शरीफ (मिलाद-उन-नबी) और पहले ओणम के उपलक्ष्य में बैंकों में अवकाश है।

हालांकि, यह छुट्टी पूरे देश में एक साथ लागू नहीं है। आइए जानते हैं कि आज कहां-कहां बैंक बंद हैं और कहां कामकाज सामान्य रूप से चालू है।

आज 25 अगस्त को कहां-कहां बंद रहेंगे बैंक?

रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) के कैलेंडर के अनुसार, ‘नेगोशिएबल इंस्ट्रूमेंट्स एक्ट’ के तहत आज इन क्षेत्रों में बैंक बंद रहेंगे:

केरल (कोच्चि और तिरुवनंतपुरम): फर्स्ट ओणम और मिलाद-ए-शरीफ के कारण।

आंध्र प्रदेश (विजयवाड़ा क्षेत्र): मिलाद-उन-नबी के उपलक्ष्य में।

बाकी राज्यों में क्या है स्थिति?

दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश, बिहार, राजस्थान, मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र समेत देश के अधिकांश अन्य राज्यों में आज यानी 25 अगस्त को बैंक खुले रहेंगे और सामान्य कामकाज चलेगा।

इन राज्यों में ईद-ए-मिलाद का मुख्य सरकारी अवकाश कल यानी 26 अगस्त (बुधवार) को निर्धारित है, जिसके चलते कल इन क्षेत्रों में बैंक शाखाएं बंद रहेंगी।

इस हफ्ते आगे भी रहेंगी छुट्टियां

चालू हफ्ते में त्योहारों के कारण कई राज्यों में बैंक शाखाएं प्रभावित रहेंगी:

26 अगस्त (बुधवार): ईद-ए-मिलाद / तिरुओणम (उत्तर प्रदेश, दिल्ली, बिहार, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश आदि में छुट्टी)।

28 अगस्त (शुक्रवार): रक्षाबंधन (गुजरात, राजस्थान, यूपी, एमपी आदि राज्यों में छुट्टी)।

29 अगस्त (शनिवार): महीने का 5वां शनिवार होने के कारण देशभर में बैंक खुले रहेंगे।

डिजिटल सेवाएं रहेंगी पूरी तरह चालू

जिन क्षेत्रों में आज बैंक शाखाएं बंद हैं, वहां भी डिजिटल बैंकिंग सेवाएं निर्बाध रूप से उपलब्ध हैं। आप यूपीआई (UPI), इंटरनेट बैंकिंग, मोबाइल ऐप और एटीएम (ATM) का इस्तेमाल बिना किसी परेशानी के कर सकते हैं।

अगर आप केरल या आंध्र प्रदेश से बाहर किसी राज्य में हैं, तो आज बैंक शाखा जाकर अपना काम आसानी से निपटा सकते हैं। लेकिन अगर आप कल यानी 26 अगस्त को बैंक जाने का मन बना रहे हैं, तो छुट्टियों की लिस्ट जरूर चेक कर लें क्योंकि कल ज्यादातर राज्यों में ईद-ए-मिलाद की छुट्टी रहेगी।

Market cues : टेक्निकल इंडीकेटर दे रहे मिलेजुले संकेत, 24300-24400 की दीवार पार होने पर ही आएगी तेजी

Trade setup for today : ऊपरी स्तरों पर हुई मुनाफा वसूली के कारण निफ्टी क्लोजिंग बेसिस पर 24,300 के लेवल (20-डे EMA) को बनाए रखने में नाकाम रहा और 24 अगस्त को 0.14 प्रतिशत गिरकर बंद हुआ। ट्रेडर्स 25 अगस्त को होने वाली मंथली F&O एक्सपायरी से पहले सतर्क नजर आए। मोमेंटम इंडिकेटर्स में बेयरिश क्रॉसओवर घबराहट का संकेत है,लेकिन घटता हुआ रेड हिस्टोग्राम बार बेयरिश मोमेंटम के कमजोर होने का संकेत है।

मार्केट एनालिस्ट्स का कहना है कि सोमवार के निचले स्तर के पास स्थित 24,150-24,100 का जोन निफ्टी के लिए तत्काल सपोर्ट का काम कर सकता है। इसके बाद 24,000 पर बड़ा सपोर्ट होगा। ऊपर की तरफ,24,300-24,400 का जोन रेजिस्टेंस का काम कर सकता है। इस दीवार को पार होने पर 24,500 की ओर बढ़ने का रास्ता खुल सकता है।

यहां आपको कुछ ऐसे आंकड़े दे रहे हैं जिनके आधार पर आपको मुनाफे वाले सौदे पकड़ने में आसानी होगी।

निफ्टी 50 (24,219) के लिए अहम लेवल

पिवट प्वांइट पर आधारित सपोर्ट : 24,161, 24,121 और 24,057

पिवट प्वांइट पर आधारित रेजिस्टेंस :24,290, 24,330 और 24,394

स्पेशल फॉर्मेशन : निफ्टी ने कल एक बेयरिश कैंडल बनाई जिसमें नीचे की तरफ एक साफ लोअर विक दिखी। इससे पता चलता है कि निचले स्तरों पर खरीदारी की दिलचस्पी के बावजूद बिकवाली का दबाव बना रहा। क्लोजिंग बेसिस पर इंडेक्स 20-डे EMA के नीचे रहा,लेकिन डे EMA के ऊपर बना रहा। RSI गिरकर 47.85 पर आ गया और अपनी सिग्नल लाइन के नीचे रहा,जबकि MACD रेफरेंस लाइन के नीचे बना रहा। हालांकि,लाल हिस्टोग्राम बार छोटा हो गया और स्टोकेस्टिक RSI लगातार तीसरे सेशन में भी बुलिश क्रॉसओवर बनाए रहा,जिससे कुल मिलाकर सतर्क रुख के बावजूद अंडरलाइंग मोमेंटम में कुछ सुधार का संकेत मिला।

बैंक निफ्टी (57,526) के लिए अहम लेवल

पिवट पॉइंट्स के आधार पर रेजिस्टेंस: 57,788, 57,937 और 58,176

पिवट पॉइंट्स के आधार पर सपोर्ट: 57,309, 57,160 और 56,921

फाइबोनैचि रिट्रेसमेंट के आधार पर रेजिस्टेंस: 58,137, 58,714

फाइबोनैचि रिट्रेसमेंट के आधार पर सपोर्ट: 57,400, 57,135

स्पेशल फॉर्मेशन : बैंक निफ्टी ने भी निफ्टी की तरह ही कैंडलस्टिक पैटर्न बनाया और अपने शॉर्ट-टर्म मूविंग एवरेज से थोड़ा नीचे बंद हुआ। इंडेक्स की दो दिन की बढ़त का सिलसिला टूट गया और इसमें 0.41 प्रतिशत की गिरावट आई। हालांकि,यह अपने मीडियम और लॉन्ग-टर्म मूविंग एवरेज से काफी ऊपर बना रहा जो शॉर्ट-टर्म में थोड़ी सावधानी के बावजूद इसके बेहतर स्ट्रक्चर का संकेत है। RSI गिरकर 50.53 पर आ गया और इसमें नेगेटिव क्रॉसओवर देखा गया,जबकि MACD अपनी सिग्नल लाइन के नीचे ही बना रहा। हालांकि,लाल हिस्टोग्राम बार छोटा होता गया और स्टोकेस्टिक RSI लगातार तीसरे सेशन में भी पॉजिटिव क्रॉसओवर बनाए रखने में कामयाब रहा। इससे मिले-जुले संकेत मिलते हैं। शॉर्ट-टर्म मोमेंटम को लेकर सावधानी के संकेत हैं,लेकिन अंदरूनी मजबूती में सुधार के संकेत भी दिख रहे हैं।

एफआईआई और डीआईआई फंड फ्लो

24 अगस्त को विदेशी संस्थागत निवेशक (FIIs) नेट खरीदार रहे और उन्होंने 1,181 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे। घरेलू संस्थागत निवेशकों (DIIs) ने भी लगातार 10वें सेशन में खरीदारी जारी रखी और 2,493 करोड़ रुपये का निवेश किया।

इंडिया VIX

मार्केट में होने वाले उतार-चढ़ाव को मापने वाला India VIX सोमवार को 2.95% बढ़कर 11.525 पर पहुंच गया। यह लगातार दूसरे सेशन में भी ऊपर की ओर बढ़ा जो थोड़ी सावधानी बरतने का संकेत है। हालांकि,यह बढ़त तेजड़ियों के लिए अभी चिंता की बात नहीं है,क्योंकि यह इंडेक्स अभी भी अपने शॉर्ट-टर्म मूविंग एवरेज और 12 के लेवल से नीचे बना हुआ है।

Stock Market Today : बाजार पर आज इन खबरों का दिखेगा असर, कोई ट्रेड लेने से पहले इन पर डाल लें एक नजर

पुट कॉल रेशियो

बाजार के मूड को दर्शाने वाला निफ्टी पुट-कॉल रेशियो 24 अगस्त को गिरकर 0.83 हो गया,जबकि पिछले सेशन में यह 1.11 था। गौरतलब है कि 0.7 से ऊपर या 1 को पार पीसीआर का जाना आम तौर पर तेजी की भावना का संकेत माना जाता है। जबकि 0.7 से नीचे या 0.5 की ओर गिरने वाला अनुपात मंदी की भावना का संकेत होता है।

F&O बैन के अंतर्गत आने वाले स्टॉक

F&O सेगमेंट के अंतर्गत प्रतिबंधित प्रतिभूतियों में वे कंपनियां शामिल होती हैं, जिनके डेरिवेटिव अनुबंध मार्केट वाइड पोजीशन लिमिट के 95 फीसदी से ज्यादा हो जाती हैं।

एफएंडओ प्रतिबंध में नए शामिल स्टॉक: कोई नहीं

एफएंडओ प्रतिबंध में पहले से शामिल स्टॉक: कोई नहीं

एफएंडओ प्रतिबंध से हटाए गए स्टॉक: सेल (SAIL)

 

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Gold Price Today: विदेश में 3 महीने के हाई के करीब पहुंचा सोना, जैक्सन होल से पहले फेड के कदम पर बाजार की नजर

Gold Price Today: इंटरनेशनल मार्केट में सोने की कीमतें 3 महीने के उच्चतम स्तर के करीब ट्रेड कर रहा है। ट्रेडर्स बॉन्ड मार्केट में US ट्रेजरी के आने वाले कदमों का आकलन कर रहे हैं। यह आकलन एक अप्रत्याशित दखल के बाद हो रहा है जिसने फिस्कल पॉलिसी (राजकोषीय नीति) को लेकर चिंताएं फिर से बढ़ा दी हैं।

COMEX गोल्ड में 1% यानी 46.90 की बड़ी बढ़त हुई और यह पिछले क्लोज 4,710.10 से बढ़कर 4,744.70 पर पहुंच गया। दूसरी ओर, COMEX सिल्वर 1.26% या 0.861 बढ़कर 69.455 पर पहुंच गई, जबकि पिछला क्लोज 68.96 था।

ट्रेजरी द्वारा लॉन्ग-टर्म सरकारी कर्ज की बायबैक (वापसी खरीद) बढ़ाने के बाद लगातार चार सेशन में 7% से अधिक की बढ़त के साथ बुलियन की कीमत $4,680 प्रति औंस के करीब पहुंच गई है।

इस अप्रत्याशित कदम ने कर्ज लेने की बढ़ती लागत को लेकर चिंताएं बढ़ा दी हैं और डॉलर पर दबाव डाला है। जिससे सोना (जिसकी कीमत डॉलर में तय होती है) कई खरीदारों के लिए सस्ता हो गया है।

ट्रेजरी सेक्रेटरी स्कॉट बेसेंट ने महंगे कर्ज की बायबैक को और बढ़ाने की अपनी तैयारी का संकेत दिया है, हालांकि सोमवार को उन्होंने कोई अतिरिक्त संकेत नहीं दिया।

ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के अनुसार, इन्वेस्टर्स को उम्मीद है कि केविन वॉर्श शुक्रवार को सालाना जैक्सन होल कॉन्फ्रेंस में सेंट्रल बैंक के चेयरमैन के तौर पर लगातार बनी हुई महंगाई पर फेडरल रिजर्व को कैसे प्रतिक्रिया देनी चाहिए, इस पर अपना नजरिया स्पष्ट करेंगे।

US कर्ज की लागत को मैनेज करने के हालिया कदमों ने महंगाई और डॉलर की कमजोरी को लेकर चिंताएं फिर से बढ़ा दी हैं। इससे उस ‘डीबेसमेंट नैरेटिव’ (मुद्रा के मूल्य में गिरावट की धारणा) की वापसी का संकेत मिलता है, जिसने 2025 में सोने की जबरदस्त तेजी में योगदान दिया था।

सोने की इस उल्लेखनीय रिकवरी ने धातु को महत्वपूर्ण 200-दिन के मूविंग एवरेज से ऊपर पहुंचा दिया है, जिसे अक्सर तेजी का संकेत (बुलिश टेक्निकल इंडिकेटर) माना जाता है।

बढ़ते ग्लोबल ट्रेड टेंशन (व्यापारिक तनाव) से इस धातु की ‘सेफ-हेवन’ (सुरक्षित निवेश) वाली खासियत को भी चुनौती मिल रही है। US ने ईरान को अलग-थलग करने की रणनीति के तहत उसके साथ व्यापार करने वाले किसी भी देश के खिलाफ आर्थिक कार्रवाई की धमकी दी है। इसके अलावा, पिछले हफ्ते बातचीत विफल होने के बाद दुनिया की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था कनाडा के साथ व्यापारिक संघर्ष की ओर बढ़ रही है।

 

(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Stocks to Watch: 25 अगस्त को फोकस में रहेंगे ये 12 स्टॉक्स, मिल सकता है तगड़ी कमाई का मौका

Stocks to Watch: मंगलवार, 25 अगस्त के कारोबारी सत्र में कई कंपनियों के शेयर खबरों की वजह से फोकस में रह सकते हैं। इनमें डील, बड़े ऑर्डर, OFS, फंड जुटाने और मैनेजमेंट बदलाव से जुड़ी खबरें शामिल हैं। आइए जानते हैं किन 12 शेयरों पर खास नजर रहेगी।

Hindustan Copper

सरकारी कॉपर कंपनी Hindustan Copper में सरकार OFS के जरिए 6% तक हिस्सेदारी बेच सकती है। इसमें 3% की बेस हिस्सेदारी और 3% का ग्रीन-शू ऑप्शन शामिल है। OFS का फ्लोर प्राइस ₹514 प्रति शेयर रखा गया है।

TCS

टाटा ग्रुप की आईटी कंपनी TCS ने Porsche AG की 100% हिस्सेदारी वाली MHP को खरीदने की मंजूरी दी है। यह सौदा करीब 320 मिलियन यूरो का है। इसके अलावा Porsche ने TCS और MHP के साथ 5 साल का 1.25 बिलियन यूरो का समझौता किया है।

Suzlon Energy

विंड एनर्जी कंपनी Suzlon Energy आंध्र प्रदेश में 1,325 MW के नए विंड प्रोजेक्ट विकसित करने की योजना बना रही है। ये प्रोजेक्ट अनंतपुर जिले के Rayadurg विधानसभा क्षेत्र में लगाए जाएंगे। इससे राज्य में कंपनी की मौजूदगी और मजबूत हो सकती है।

ICICI Bank

प्राइवेट सेक्टर बैंक ICICI Bank ने अपने IFSC Banking Unit के जरिए 5 साल के $1 बिलियन के सीनियर अनसिक्योर्ड नोट्स की कीमत तय की है। इन डेट सिक्योरिटीज को S&P Global Ratings ने ‘BBB’ रेटिंग दी है।

Ceigall India

इंफ्रास्ट्रक्चर और रोड कंस्ट्रक्शन कंपनी Ceigall India को सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय से करीब ₹704.70 करोड़ का ऑर्डर मिला है। यह ऑर्डर अरुणाचल प्रदेश में Frontier Highway के निर्माण से जुड़ा है।

Lenskart

आईवियर और रिटेल कंपनी Lenskart में अगले 2-3 दिनों में करीब ₹2,800-2,900 करोड़ की ब्लॉक डील की खबर है। सूत्रों के मुताबिक Alfa अपनी कुछ हिस्सेदारी बेच सकता है। Alfa के पास कंपनी में करीब 3.4% हिस्सेदारी बताई गई है।

UCO Bank

सरकारी बैंक UCO Bank के बोर्ड ने 1 बिलियन डॉलर तक रकम जुटाने की मंजूरी दी है। बैंक इस रकम का इस्तेमाल अपनी जरूरतों और कारोबार को आगे बढ़ाने में कर सकता है।

Afcons Infrastructure

इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी Afcons Infrastructure को Uttar Pradesh Expressways Industrial Development Authority से जुड़े मामले में ₹335.50 करोड़ का Arbitral Award मिला है। मध्यस्थता प्रक्रिया के बाद फैसला कंपनी के पक्ष में आया है।

Coal India

सरकारी कोयला कंपनी Coal India ने सिंगापुर में अपनी नई Wholly Owned Subsidiary बनाई है। इसका नाम CIL Global है। यह कंपनी दूसरे देशों में Critical Minerals से जुड़े कारोबारी अवसर तलाशेगी।

Great Eastern Shipping

शिपिंग कंपनी Great Eastern Shipping के बोर्ड की 27 अगस्त को बैठक होगी। इसमें कंपनी के शेयर बायबैक के प्रस्ताव पर विचार किया जाएगा। फिलहाल यह सिर्फ प्रस्ताव पर विचार करने की जानकारी है। अंतिम फैसला बोर्ड की बैठक में होगा।

HEG

ग्रेफाइट और इलेक्ट्रिकल कार्बन प्रोडक्ट कंपनी HEG ने मैनेजमेंट में बदलाव किया है। Riju Jhunjhunwala को 1 सितंबर 2026 से CEO बनाया गया है। वहीं Neha Rajvanshi को CFO नियुक्त किया गया है। दोनों नियुक्तियों के कारण शेयर पर नजर रह सकती है।

Brigade Hotel Ventures

हॉस्पिटैलिटी कंपनी Brigade Hotel Ventures ने Vinay Gupta को नया CEO नियुक्त किया है। यह नियुक्ति शेयर बाजार बंद होने के बाद सामने आई। मैनेजमेंट में बदलाव के बाद निवेशकों की नजर कंपनी की आगे की रणनीति पर रहेगी।

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Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

Bank Holiday: कल मंगलवार को मिलाद ए शरीफ पर कहां-कहां बंद हैं बैंक, जानिए RBI ने क्यों दी है 25 अगस्त को छुट्टी

Bank Holiday 25 August: अगर आप कल यानी मंगलवार, 25 अगस्त को बैंक से जुड़ा कोई जरूरी काम निपटाने की सोच रहे हैं, तो यह खबर आपके लिए बेहद अहम है। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की आधिकारिक हॉलीडे लिस्ट के मुताबिक, मिलाद-ए-शरीफ के अवसर पर देश के कई प्रमुख राज्यों और शहरों में बैंकों में अवकाश रहेगा।

बैंक जाने से पहले यह जरूर चेक कर लें कि आपके शहर या राज्य में कल बैंक खुले हैं या बंद।

RBI ने क्यों दी है 25 अगस्त को छुट्टी?

भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के अनुसार, 25 अगस्त को मिलाद-ए-शरीफ (Milad-i-Sherif / First Onam) के उपलक्ष्य में ‘नेगोशिएबल इंस्ट्रूमेंट्स एक्ट’ के तहत बैंकों में सार्वजनिक अवकाश घोषित किया गया है।

पैगंबर मोहम्मद साहब के जन्मोत्सव और कई क्षेत्रों में ओणम त्यौहार की शुरुआत के चलते RBI की आधिकारिक सूची में 25 अगस्त को बैंक हॉलीडे के रूप में दर्ज किया गया है।

कल 25 अगस्त को कहां-कहां बंद रहेंगे बैंक?

RBI की हॉलीडे मैट्रिक्स के अनुसार, देश के अलग-अलग राज्यों और सर्कल्स में त्योहारों के हिसाब से छुट्टियां तय होती हैं:

किन क्षेत्रों में रहेगी छुट्टी: केरल (कोच्चि, तिरुवनंतपुरम) और मिलाद-ए-शरीफ / फर्स्ट ओणम मनाने वाले संबंधित सर्कल्स में कल सभी सरकारी व प्राइवेट बैंक शाखाएं बंद रहेंगी।

किन राज्यों में खुले रहेंगे बैंक: जिन राज्यों या शहरों में ईद-ए-मिलाद का मुख्य अवकाश अगले दिन यानी 26 अगस्त को है, वहां 25 अगस्त को बैंक सामान्य रूप से कामकाज करेंगे।

डिजिटल बैंकिंग सेवाएं रहेंगी पूरी तरह चालू

बैंक शाखाएं बंद रहने के बावजूद ग्राहकों को ज्यादा परेशानी नहीं होगी। डिजिटल बैंकिंग के दौर में आप अपने वित्तीय काम ऑनलाइन निपटा सकते हैं:

ATM सेवाएं: कैश निकालने और जमा करने की सुविधा उपलब्ध रहेगी।

Net Banking & Mobile Apps: यूपीआई (UPI), नेट बैंकिंग और मोबाइल बैंकिंग के जरिए फंड ट्रांसफर (NEFT/IMPS/RTGS) बिना किसी रुकावट के चालू रहेंगे।

अगर आपका बैंक में कोई चेक डिपॉजिट, ड्राफ्ट बनवाना या काउंटर से जुड़ा काम अटका है, तो अपनी स्थानीय बैंक ब्रांच से स्थिति की पुष्टि कर लें या नेट बैंकिंग का इस्तेमाल करें ताकि आपका समय बच सके।

Market Technicals : टेक्निकल एक्सपर्ट्स से जाने कल के लिए क्या हो ट्रेडिंग रणनीति, निफ्टी-बैंक निफ्टी में किन लेवल्स पर रहे नजर

Market Technicals : आज बाजार एक सीमित दायरे में कारोबार करता दिखा। बाजार की चाल सुस्त रही। निफ्टी 0.13% की गिरावट के साथ 24,219.05 पर और सेंसेक्स 0.22% की गिरावट के साथ 77,369.11 पर बंद हुआ। सेक्टर नजरिए से देखें तो मेटल और रियल्टी सेक्टर में बढ़त रही,जबकि डिफेंस,बैंक,सीमेंट और ऑटो सेक्टर में गिरावट देखी गई। निफ्टी 50 में सबसे ज़्यादा बढ़त जेएसडब्ल्यूस्टील, हिंडाल्को और टाटास्टील में रही। वहीं,एसबीआईलाइफ,बजाज फाइनेंस और अदानीपोर्ट्स में गिरावट रही।

पिछले कुछ ट्रेडिंग सेशन से मेटल शेयरों में तेजा देखने को मिल रही है। सप्लाई में दिक्कत,घटते स्टॉक और मज़बूत मांग के कारण स्टील,कॉपर,एल्युमीनियम और जिंक की ग्लोबल कीमतों में उछाल आया है। इसके अलावा डॉलर इंडेक्स में गिरावट से भी इस सेक्टर को सहारा मिला है। आज निफ्टी मेटल्स में 1.59% की तेजी आई।

आज हिंदुस्तान जिंक सुर्खियों में रहा क्योंकि सरकार अगले दो हफ्तो में इसमें ऑफर फ़ॉर सेल लाने की योजना पर काम कर रही है। केंद्र सरकार 1.5-2% हिस्सेदारी बेचकर लगभग 4,000-5,000 करोड़ रुपये जुटाने की सोच रही है,जो ऑफर के फ़ाइनल साइज़ और कीमत पर निर्भर करेगा। आज हिंदुस्तान जिंक 2.2% बढ़त के साथ बंद हुआ। वहीं, पिछले 3 ट्रेडिंग सेशन में इसमें लगभग 7% की तेजी आई है।

सोने की कीमतों में तेजी से मुथूट फाइनेंस और मन्नापुरम जैसी गोल्ड फ़ाइनेंस कंपनियों को भी फायदा हुआ है। इनके शेयरों में 5.72% और 2.21% से ज्यादा की तेजी आई है। सोने की कीमतों में बढ़ोतरी से गोल्ड फ़ाइनेंस कंपनियों को फायदा हो सकता है। इससे गिरवी रखी गई संपत्ति (कोलेटरल) की वैल्यू बढ़ती है,लेंडर की सिक्योरिटी मजबूत होती है और लोन ग्रोथ को भी बढ़ावा मिल सकता है।

एंजेल वन के चीफ मैनेजर-टेक्निकल एंड डेरिवेटिव रिसर्च,ओशो कृष्ण का कहना है कि ग्लोबल मार्केट से मिले अच्छे संकेतों की वजह से भारतीय इक्विटी मार्केट में बढ़त के साथ शुरुआत हुई और बेंचमार्क इंडेक्स ने एक्सपायरी वाले हफ्ते की शुरुआत जोश के साथ की। हालांकि,बाद में फॉलोअप खरीदारी न होने से शुरुआती तेजी कमज़ोर पड़ गई और इंडेक्स नीचे आ गया,जिससे बुलिश गैप का दोबारा टेस्ट हुआ। इसके बाद, CAS सेशन के बाद निफ्टी ने नुकसान की कुछ भरपाई की और 24200 के ऊपर बंद होने में कामयाब रहा,जिससे सेशन का अंत 0.14% की मामूली गिरावट के साथ हुआ।

टेक्निकल नजरिए से देखें तो पोजीशन अभी भी अनिश्चित बनी हुई है। 20-DEMA एक बड़ी रुकावट के तौर पर सामने आ रहा है और लगातार रिजेक्शन का कारण बन रहा है। हालांकि,हाल ही में मंदी के कमजोर पड़ने के संकेतों ने रिवर्सल की उम्मीद जगाई है, लेकिन तेजी या गिरावट की रफ्तार (मोमेंटम)अभी भी धीमी है। बाजार की नजर किसी ऐसे अहम संकेत पर है जिससे खरीदारी में तेजी आए। अगर गिरावट आती है तो 24150-24100 का दायरा तत्काल सपोर्ट का काम करेगा, जबकि 24050-24000 का जोन एक मजबूत सपोर्ट जोन बना रहेगा।

ऊपर की तरफ,24300 के आसपास स्थित 20-DEMA का जोन रेजिस्टेंस का काम कर सकता है। अगर इस स्तर के ऊपर बढ़त कायम रहती है तो टेक्निकल सेटअप मजबूत होगा और आने वाले समय में 24500 के स्तर तक की रिकवरी का रास्ता खुल सकता है।

फिलहाल,सतर्कता बरतना ही समझदारी होगी। ट्रेडरों को सलाह है कि जब तक बाजार रुझान साफ न हो जाए,तब तक आक्रामक रुख न अपनाएं। अगस्त माह की एक्सपायरी के दौरान वोलैटुलिटी बढ़ने की भी आशंका है। इसलिए,ट्रेडरों के अनुशासित तरीके से रिस्क मैनेज करते हुए सीमित निवेश करना चाहिए और बाजार के अहम संकेतों पर नजर रखनी चाहिए।

SBI सिक्योरिटीज में हेड -टेक्निकल एंड डेरिवेटिव्स रिसर्च, सुदीप शाह का कहना है कि निफ्टी की गैप-अप ओपनिंग टिक नहीं पाई क्योंकि इंडेक्स पर जबरदस्त बिकवाली का दबाव बना और दिन चढ़ने के साथ यह नीचे गिरकर 0.14% की गिरावट के साथ 24219 पर बंद हुआ। डेली चार्ट पर निफ्टी ने लोअर विक के साथ एक बेयरिश कैंडल बनाई। चार्ट पर यह लोअर विक मुख्य रूप से इसलिए बना क्योंकि इंडेक्स ने दूसरे हाफ के आखिर में अपने शुरुआती नुकसान का कुछ हिस्सा रिकवर कर लिया था। इंडेक्स को अपने 20-डे EMA के आसपास रेजिस्टेंस का सामना करना पड़ा और यह नीचे बंद हुआ। ADX इंडिकेटर पर DI-लगातार DI+ से ऊपर बना हुआ है,जो बुल्स पर बेयर्स के लगातार बने दबदबे को दिखाता है।

मिडकैप इंडेक्स ने एक पतली बॉडी वाली बेयरिश कैंडल बनाई,जिसके दोनों तरफ छोटी विक्स थीं। इससे पता चलता है कि इंट्राडे में कोई साफ दिशा नहीं थी। स्मॉलकैप इंडेक्स ने एक बेयरिश कैंडल बनाई जिसमें ऊपर की तरफ एक छोटी विक थी,जो ऊपरी लेवल पर प्रॉफ़िट बुकिंग को दिखाती है। प्रॉफिट बुकिंग के बावजूद, स्मॉलकैप इंडेक्स मिडकैप और लार्जकैप के मुकाबले बेहतर स्थिति में है,जैसा कि इसके संबंधित रेश्यो चार्ट में बढ़ती रेश्यो लाइन से पता चलता है।

आगे निफ्टी के लिए तत्काल सपोर्ट 24070-24050 के जोन में है। अगर निफ्टी इस जोन के नीचे टिकता है तो इसमें और कमजोरी आ सकती है और यह शॉर्ट टर्म में 23900 और फिर 23750 तक गिर सकता है। ऊपर की तरफ निफ्टी के लिए तत्काल रेजिस्टेंस 24350-24370 के जोन में है।

Market Outlook : गिरावट के साथ बंद हुए सेंसेक्स-निफ्टी, जानिए 25 अगस्त को कैसी रह सकती है बाजार की चाल

बैंक निफ्टी आउटलुक

 सुदीप शाह का कहना है कि  बैंक निफ्टी भी गैप-अप के साथ खुला,लेकिन ऊंचे स्तरों पर टिक नहीं पाया। दिन के दौरान इसमें तेज गिरावट आई,लेकिन बाद में,खासकर दूसरे हाफ के आखिर में इसमें कुछ रिकवरी हुई और इंडेक्स ने नुकसान की कुछ भरपाई की। आखिरकार,यह 0.41% गिरकर 57526 पर बंद हुआ। डेली चार्ट पर इंडेक्स ने एक बेयरिश कैंडल बनाई है,जिसमें नीचे की तरफ एक साफ लोअर विक दिख रही है। अगस्त की शुरुआत से ही बैंक निफ्टी 1246 अंकों की रेंज में ही घूम रहा है जो बाजार में अनिश्चितता और साइडवेज रहने के संकेत है। गिरता हुआ ADX भी इस बात की पुष्टि करता है कि बाजार में कोई मजबूत दिशा वाला ट्रेंड नहीं है।

आगे बैंक निफ्टी के लिए तत्काल सपोर्ट 57100-57000 जोन में है। अगर यह इस जोन के नीचे बना रहता है,तो बैंक निफ्टी में और कमजोरी आ सकती है और यह शॉर्ट टर्म में 56600 और फिर 56200 तक टूट सकता है। ऊपर की तरफ,बैंक निफ्टी के लिए तत्काल रेजिस्टेंस 57900-58000 जोन में है।

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

₹4 लाख के एजुकेशन लोन पर बड़ा अपडेट! जानिए बिहार के छात्रों के लिए क्या बोले सीएम सम्राट चौधरी

Bihar Student Credit Card Scheme: बिहार में उच्च शिक्षा हासिल करने का सपना देख रहे छात्रों और उनके अभिभावकों के लिए बड़ी राहत की खबर सामने आई है। बीते कुछ दिनों से स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना को लेकर चल रही तरह-तरह की अफवाहों और संशय की स्थिति पर विराम लगाते हुए सरकार ने स्थिति पूरी तरह साफ कर दी है।

मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने स्पष्ट किया है कि उच्च शिक्षा के लिए विद्यार्थियों को दी जाने वाली ₹4 लाख तक की आर्थिक सहायता पहले की तरह ही जारी रहेगी। सीएम ने कहा है कि राज्य के युवाओं के उज्ज्वल भविष्य और पढ़ाई के रास्ते में पैसों की तंगी को कभी बाधा नहीं बनने दिया जाएगा।

₹4 लाख तक का एजुकेशन लोन रहेगा बरकरार

बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना के तहत कॉलेज और यूनिवर्सिटी में पढ़ने वाले छात्रों को ₹4 लाख तक का शिक्षा ऋण दिया जाता है। छात्र इस राशि का उपयोग अपनी फीस, किताबों और रहने-खाने से जुड़े खर्चों को पूरा करने के लिए आसानी से कर सकते हैं।

पिछले कुछ समय से लोन की सीमा घटाने को लेकर कई तरह की चर्चाएं चल रही थीं, जिस पर विराम लगाते हुए सरकार ने अभिभावकों और छात्रों को चिंता न करने की सलाह दी है।

शिक्षा ऋण का दायरा घटा नहीं, बल्कि और बढ़ा

शिक्षा विभाग ने इस मामले पर सफाई देते हुए कहा कि योजना को सीमित करने की खबरें पूरी तरह से बेबुनियाद हैं। वास्तव में छात्रों के लिए उच्च शिक्षा पाना अब और भी आसान हो गया है।

अब स्टूडेंट अपनी जरूरत और पात्रता के आधार पर बिहार राज्य शिक्षा वित्त निगम, बैंकों और ‘पीएम विद्यालक्ष्मी योजना’ के जरिए भी लोन ले सकते हैं। सरकार का मकसद हर जरूरतमंद छात्र तक संस्थागत वित्तीय मदद पहुंचाना है, ताकि कोई भी प्रतिभाशाली युवा पैसों के अभाव में पढ़ाई न छोड़े।

बिहार सरकार के इस स्पष्टीकरण से हजारों छात्रों और उनके परिजनों ने राहत की सांस ली है। अगर आप भी बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना के तहत ₹4 लाख तक के लोन का लाभ उठाना चाहते हैं, तो बिना किसी हिचकिचाहट के आवेदन कर सकते हैं और अपने बेहतर करियर के सपने को पूरा कर सकते हैं।