कल का मौसम: 30 सितंबर को बंगाल की खाड़ी में 65 kmph स्पीड से हवाएं, पूर्वोत्तर-दक्षिण भारत के इन राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट

Weather forecast for September 30: देश भर में मानसून के अंतिम पड़ाव और समुद्र में बन रही चक्रवाती हवाओं के असर से बुधवार 30 सितंबर को देश के कई हिस्सों में तूफानी मौसम रहने का अनुमान है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) द्वारा जारी ताजा मौसम बुलेटिन के मुताबिक पूर्वोत्तर भारत के राज्यों, पूरे कर्नाटक, केरल और तमिलनाडु में भारी बारिश की पूरी संभावना है। इसके साथ ही बंगाल की खाड़ी और म्यांमार-बांग्लादेश तटों से सटे इलाकों में 65 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तूफानी हवाएं चलने की गंभीर चेतावनी जारी की गई है।

पूर्वोत्तर राज्यों और दक्षिण भारत में मूसलाधार बारिश की चेतावनी

मौसम विभाग के अनुसार, 30 सितंबर को देश के दो प्रमुख क्षेत्रों पूर्वोत्तर और दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत में मूसलाधार बारिश का दौर बना रहेगा। पूर्वोत्तर भारत की बात करें तो असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में भारी बारिश होने की संभावना है। दक्षिण भारत की बात करें तो पूरे आंतरिक कर्नाटक (उत्तरी और दक्षिणी आंतरिक कर्नाटक), केरल व माहे, तमिलनाडु, पुडुचेरी व कराइकल में तेज बारिश होने के आसार हैं।

तमिलनाडु और रायलसीमा में 50 किमी/घंटे की रफ्तार से आंधी का अलर्ट

दक्षिण भारत के मैदानी और तटीय इलाकों में तेज हवाओं और बिजली चमकने का असर देखा जाएगा। रायलसीमा, तमिलनाडु, पुडुचेरी व कराइकल में अलग-अलग जगहों पर आकाशीय बिजली चमकने के साथ 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से तूफानी हवाएं चलने की आशंका है।

आंध्र प्रदेश, ओडिशा और कर्नाटक में बिजली चमकने और हवाओं का अनुमान

मध्य, पूर्व और दक्षिण भारत के अन्य राज्यों में भी मौसमी हलचल बनी रहेगी। तटीय आंध्र प्रदेश, आंतरिक कर्नाटक और ओडिशा में पर आकाशीय बिजली गिरने के साथ 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से झोंकेदार हवाएं चलने का अनुमान है। असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम व त्रिपुरा के साथ-साथ मध्य प्रदेश, मराठवाड़ा और केरल व माहे में अलग-अलग जगहों पर बिजली चमकने की आशंका जताई गई है। तटीय आंध्र प्रदेश के क्षेत्रों में दिन भर तेज सतही हवाएं चलती रहेंगी।

बंगाल की खाड़ी में चक्रवाती मौसम: 65 kmph की गति से चलेंगी हवाएं

समुद्री इलाकों की बात करें तो बंगाल की खाड़ी और पड़ोसी तटीय क्षेत्रों में स्थिति काफी खतरनाक बनी हुई है। IMD के मुताबिक उत्तरी म्यांमार और बांग्लादेश के तटीय इलाकों से सटे उत्तर-पूर्वी बंगाल की खाड़ी, उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी के कुछ हिस्सों, पूर्व-मध्य बंगाल की खाड़ी में 45 से 55 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तूफानी हवाएं चलेंगी। इन हवाओं की गति बढ़कर 65 किलोमीटर प्रति घंटे के खतरनाक स्तर तक पहुंच सकती है। समुद्र में तेज उथल-पुथल को देखते हुए मौसम विभाग ने मछुआरों को इन इलाकों में समुद्र के भीतर न जाने की सख्त हिदायत दी है।

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क्या दिल्ली समेत उत्तर भारत में वक्त से पहले आ गई सर्दी? जानिए सितंबर में अचानक क्यों महसूस होने लगी ठंड

दिल्ली और उत्तर भारत के कई हिस्सों में सितंबर के आखिर में अचानक मौसम बदल गया है। लगातार बारिश, बादल और कम धूप से टेम्परेचर नीचे चला गया। 27 सितंबर को दिल्ली में मिनिमम टेम्परेचर 21°C रिकॉर्ड हुआ, जो 25 साल में सितंबर का दूसरा सबसे कम टेम्परेचर है और 2001 के बाद सबसे कम रहा है।

इस ठंड का बड़ा कारण ठंड नहीं, बल्कि एक्टिव वेदर सिस्टम है। बंगाल की खाड़ी से आया डीप डिप्रेशन लंबे समय तक एक्टिव रहा और इससे उत्तर प्रदेश, बिहार, मध्य प्रदेश, उत्तराखंड, हरियाणा और दिल्ली-NCR के साथ ही कई जगहों में बारिश हुई। लगातार बादल रहने और कम धूप के कारण रात के टेम्परेचर में तेजी से गिरावट आई।

पहाड़ों में बर्फबारी होने से मैदानी इलाकों में हुआ ये असर

  •  हिमाचल प्रदेश के किन्नौर और रोहतांग के आसपास बर्फबारी हुई, जबकि उत्तराखंड के ऊंचे इलाकों में भी बर्फ गिरी।
  •  फिलहाल इसे सर्दियों की शुरुआत नहीं माना जा रहा है। मौसम सिस्टम कमजोर होने के बाद दिल्ली, पंजाब, हरियाणा, राजस्थान और उत्तर प्रदेश में धूप बढ़ने के साथ टेम्परेचर ऊपर जाने की संभावना है।
  •  IMD के मुताबिक, दिल्ली में 29 सितंबर से मौसम साफ होने और 30 सितंबर से टेम्परेचर बढ़ने की उम्मीद है।
  • सितंबर में अचानक बढ़ी ठंड का सीधा संबंध फिलहाल अल नीनो से नहीं जोड़ा जा रहा है। अल नीनो प्रशांत महासागर के मध्य और पूर्वी हिस्से में समुद्र की सतह का टेम्परेचर नॉर्मल से ज्यादा हो सकता है।
  •  विश्व मौसम विज्ञान संगठन के मुताबिक, 2026 में अल नीनो तेजी से मजबूत हो रहा है और इसके फरवरी 2027 तक बने रहने की संभावना करीब 100 प्रतिशत है।

अल नीनो और आने वाली सर्दियों पर इसका असर

आने वाली सर्दियों पर अल नीनो का कितना असर होगा, इसे अभी नहीं बताया जा सकता। सर्दियों का मौसम वेस्टर्न डिस्टर्बेंस, हवा की दिशा, बादल और समुद्र की स्थिति पर डिपेंड करता हैं। एक्सपर्ट्स के मुताबिक, मजबूत अल नीनो का असर आने वाले महीनों में टेम्परेचर और बारिश के पैटर्न पर दिख सकता है, लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि भारत में तुरंत गर्मी शुरू हो जाएगी।

भारत में 2026-27 की सर्दियों की शुरुआत का पता अक्टूबर के आने के बाद ही चलेगा। IMD के औपचारिक मौसमी पूर्वानुमान से ठंड, शीतलहर और उत्तर-पश्चिम भारत में सर्दियों की बारिश को लेकर बेहतर जानकारी मिलेगी।

कल का मौसम: 29 सितंबर को तमिलनाडु, कर्नाटक और पूर्वोत्तर राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट! यहां आएगा आंधी-तूफान

IMD Weather forecast for September 29: देश भर में मानसून के अंतिम चरण और क्षेत्रीय मौसमी प्रणालियों के असर से मंगलवार, 29 सितंबर को दक्षिण भारत, पूर्वोत्तर राज्यों और द्वीपीय क्षेत्रों में मौसम काफी खराब रहने वाला है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) द्वारा जारी ताजा पूर्व अनुमान के मुताबिक 29 सितंबर को तमिलनाडु, कर्नाटक के दक्षिणी आंतरिक हिस्सों, अंडमान एवं निकोबार द्वीप समूह और पूर्वोत्तर के छह राज्यों में भारी बारिश होने की पूरी आशंका है। इसके साथ ही देश के कई तटीय और मैदानी इलाकों में 30 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से तूफानी हवाएं चलने और आकाशीय बिजली चमकने की चेतावनी जारी की गई है।

पूर्वोत्तर राज्यों, तमिलनाडु और कर्नाटक में भारी मूसलाधार बारिश की चेतावनी

मौसम विभाग के मुताबिक, 29 सितंबर को देश के दक्षिणी और पूर्वोत्तर हिस्सों में बारिश की तीव्रता काफी अधिक रहेगी। पूर्वोत्तर के राज्यों असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में अलग-अलग जगहों पर भारी बारिश होने का अनुमान जताया गया है। तमिलनाडु, पुडुचेरी व कराइकल और कर्नाटक के दक्षिण आंतरिक हिस्सों में मूसलाधार पानी गिरने के आसार हैं। इसी तरह अंडमान और निकोबार द्वीप समूह के विभिन्न द्वीपों पर भी कल तेज बारिश का सिलसिला बना रहेगा।

मध्य महाराष्ट्र और तमिलनाडु में 50 किमी/घंटे की रफ्तार से आंधी का अलर्ट

दक्षिण और पश्चिम भारत के कुछ हिस्सों में झोंकेदार हवाओं के साथ थंडरस्टॉर्म का असर देखा जाएगा। मध्य महाराष्ट्र और तमिलनाडु, पुडुचेरी व कराइकल में बिजली कड़कने के साथ 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की तेज रफ्तार से तूफानी हवाएं चलने की आशंका है। मौसम विभाग ने इन क्षेत्रों के निवासियों को आंधी और बारिश के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी है।

आंध्र प्रदेश, केरल और महाराष्ट्र के तटीय इलाकों में 40 किमी/घंटे से चलेंगी हवाएं

मध्य, पूर्व और दक्षिण भारत के अन्य राज्यों में भी मौसम का मिजाज बदला हुआ रहेगा। अंडमान व निकोबार द्वीप समूह, आंध्र प्रदेश, आंतरिक कर्नाटक, केरल व माहे, कोंकण व गोवा और ओडिशा में अलग-अलग जगहों पर आकाशीय बिजली चमकने और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने की संभावना है। इसके अलावा असम व मेघालय, मध्य प्रदेश और नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम व त्रिपुरा में बिजली गिरने की आशंका है। तटीय आंध्र प्रदेश के इलाकों में दिन भर तेज सतही हवाएं चलती रहेंगी।

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बंगाल की खाड़ी में तूफानी चक्रवात: मछुआरों के लिए रेड अलर्ट जारी

बंगाल की खाड़ी और म्यांमार-बांग्लादेश तटों के आसपास मौसमी तंत्र सक्रिय रहने के कारण समुद्र में स्थिति बेहद खतरनाक बनी हुई है। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि उत्तरी म्यांमार और बांग्लादेश के तटीय इलाकों से सटे उत्तर-पूर्वी बंगाल की खाड़ी, उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी के कुछ हिस्सों, पूर्व-मध्य बंगाल की खाड़ी में 45 से 55 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से तूफानी हवाएं चलेंगी। इनके झोंके 65 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकते हैं। समुद्र में ऊंची लहरें उठने और स्थिति अत्यंत विकराल रहने की वजह से मछुआरों को इन क्षेत्रों में समुद्र के भीतर न जाने की हिदायत दी गई है।

आज का मौसम: IMD ने 28 सितंबर को इन 7 राज्यों में दिया आंधी-बारिश का अलर्ट! बिहार, राजस्थान से दक्षिण भारत तक थंडरस्टॉर्म की चेतावनी

Today Weather Forecast 28 Sep 2026: देश के अलग-अलग हिस्सों में बने मौसमी सिस्टम के चलते आज 28 सितंबर को बारिश और आंधी-तूफान का व्यापक असर देखने को मिलेगा। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) द्वारा जारी ताजा बुलेटिन के मुताबिक आज उत्तर भारत के पहाड़ी इलाकों से लेकर दक्षिण भारत और द्वीपीय क्षेत्रों तक भारी बारिश की संभावना है। मौसम विभाग ने उत्तर-पश्चिम भारत, पूर्वोत्तर, मध्य और दक्षिण भारत के विभिन्न राज्यों में 30 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली तूफानी हवाओं और आकाशीय बिजली चमकने की गंभीर चेतावनी जारी की है।

उत्तराखंड, कर्नाटक और अंडमान में भारी बारिश का अलर्ट

मौसम विभाग के अनुसार, आज देश के तीन प्रमुख क्षेत्रों में मूसलाधार बारिश दर्ज की जा सकती है। उत्तर भारत के पहाड़ी राज्य उत्तराखंड में विभिन्न स्थानों पर भारी बारिश का अनुमान जताया गया है। दक्षिण भारत के राज्य कर्नाटक के दक्षिण आंतरिक हिस्सों में भी मूसलाधार पानी गिरने के आसार हैं। इसके अलावा केंद्र शासित प्रदेश अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में भी अलग-अलग स्थानों पर तेज बारिश की प्रबल संभावना बनी हुई है।

अंडमान में 60 किमी/घंटे की गति से थंडरस्कवॉल की चेतावनी

अंडमान और निकोबार द्वीप समूह के आसपास सक्रिय मौसमी चक्र की वजह से वहां स्थिति अधिक संवेदनशील बनी हुई है। IMD ने चेतावनी दी है कि आज द्वीप समूह में 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की तेज रफ्तार से तूफानी हवाएं चलने और आंधी-तूफान आने की आशंका है। तटीय क्षेत्रों में रहने वाले लोगों और पर्यटकों को सतर्क रहने की हिदायत दी गई है।

पूर्वोत्तर, हिमाचल और राजस्थान में 50 किमी/घंटे की रफ्तार से आंधी का अनुमान

देश के 7 से अधिक राज्यों में तेज रफ्तार झोंकेदार हवाओं के साथ थंडरस्टॉर्म का अलर्ट जारी किया गया है। असम व मेघालय, हिमाचल प्रदेश, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम व त्रिपुरा, राजस्थान और तमिलनाडु, पुडुचेरी व कराइकल में आकाशीय बिजली कड़कने के साथ 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से तूफानी हवाएं चल सकती हैं। राजस्थान के मैदानी इलाकों से लेकर हिमाचल प्रदेश की वादियों तक आज बादलों की गर्जना के साथ हल्की से मध्यम बौछारें पड़ने के आसार हैं।

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बिहार, आंध्र प्रदेश, महाराष्ट्र और तेलंगाना में 40 किमी/घंटे की रफ्तार से चलेंगी हवाएं

पूर्वी और मध्य भारत के राज्यों में भी मौसम का रुख बदला हुआ रहेगा। आंध्र प्रदेश, बिहार, मध्य महाराष्ट्र, मराठवाड़ा, ओडिशा और तेलंगाना में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चलने, गरज-चमक होने और बौछारें पड़ने की संभावना जताई गई है। इसके अलावा मध्य भारत के मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ राज्यों में अलग-अलग स्थानों पर बिजली गिरने की आशंका है। वहीं तटीय आंध्र प्रदेश के इलाकों में दिन भर तेज सतही हवाएं चलती रहेंगी।

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कल का मौसम: 28 सितंबर को उत्तराखंड, कर्नाटक और अंडमान में भारी बारिश का अलर्ट, IMD ने यूपी से बिहार तक दी आंधी-तूफान की चेतावनी

IMD Weather Update: देश के अलग हिस्सों में मौसमी प्रणालियों के बने रहने से सोमवार 28 सितंबर को भी बारिश और तूफानी गतिविधियों का दौर जारी रहने वाला है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) द्वारा जारी ताजा पूर्व अनुमान के मुताबिक सोमवार को उत्तराखंड, दक्षिण आंतरिक कर्नाटक और अंडमान एवं निकोबार द्वीप समूह में भारी बारिश की आशंका जताई गई है। इसके साथ ही देश के बड़े हिस्से में गरज-चमक के साथ तेज हवाएं चलने और आंधी-तूफान आने की चेतावनी जारी की गई है।

उत्तराखंड, कर्नाटक और अंडमान में भारी बारिश की चेतावनी

मौसम विभाग के मुताबिक 28 सितंबर को उत्तर भारत के पहाड़ी राज्य उत्तराखंड में मौसम का मिजाज काफी बिगड़ा रहेगा। राज्य के अलग अलग हिस्सों में भारी बारिश होने का अनुमान है। इसी तरह दक्षिण भारत के राज्य कर्नाटक के दक्षिण आंतरिक हिस्सों में मूसलाधार पानी गिरने के आसार हैं। केंद्र शासित प्रदेश अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में भी कई जगहों पर भारी बारिश की प्रबल संभावना बनी हुई है।

अंडमान में 60 किमी/घंटे की रफ्तार से थंडरस्कवॉल का अलर्ट

अंडमान और निकोबार द्वीप समूह के आसपास बने मौसमी तंत्र के चलते वहां का मौसम बेहद खराब रहेगा। IMD ने चेतावनी दी है कि द्वीप समूह में 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तूफानी हवाएं चलने और आंधी-तूफान आने की आशंका है, जिसके झोंके और तेज हो सकते हैं। तटीय क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की हिदायत दी गई है।

पूर्वोत्तर, हिमाचल और राजस्थान में 50 किमी/घंटे की रफ्तार से चलेंगी तूफानी हवाएं

उत्तर और पूर्वोत्तर भारत के कई राज्यों में तेज रफ्तार हवाओं के साथ बारिश और बिजली कड़कने का अलर्ट है। असम व मेघालय, हिमाचल प्रदेश, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम व त्रिपुरा, राजस्थान और तमिलनाडु, पुडुचेरी व कराइकल में अलग-अलग जगहों पर आकाशीय बिजली चमकने के साथ 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से तूफानी हवाएं चल सकती हैं। राजस्थान के मैदानी इलाकों से लेकर हिमाचल प्रदेश के पहाड़ी इलाकों तक बादलों की आवाजाही और गर्जना के साथ बौछारें पड़ने की संभावना जताई गई है।

बिहार, आंध्र प्रदेश, महाराष्ट्र और तेलंगाना में 40 किमी/घंटे की गति से आंधी का अनुमान

देश के मध्य और पूर्वी राज्यों में भी आंधी और बिजली गिरने का जोखिम बना हुआ है। आंध्र प्रदेश, बिहार, मध्य महाराष्ट्र, मराठवाड़ा, ओडिशा और तेलंगाना के विभिन्न जिलों में पृथक स्थानों पर 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चलने और गरज-चमक के साथ बारिश होने का अनुमान है। मध्य भारत के मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ राज्यों में अलग जगहों पर बिजली चमकने की संभावना जताई गई है। वहीं तटीय आंध्र प्रदेश के इलाकों में दिन भर तेज सतही हवाएं चलती रहेंगी।

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समुद्र में तूफानी हवाएं: मछुआरों के लिए विशेष चेतावनी

समुद्र और तटीय क्षेत्रों में चक्रवाती हवाओं की वजह से स्थिति काफी प्रतिकूल बनी रहेगी। मौसम विभाग ने विभिन्न समुद्री क्षेत्रों के लिए हवा की गति और चेतावनी जारी की है। सोमालिया तट के पास और उससे सटे दक्षिण-पश्चिम अरब सागर के कुछ हिस्सों में 45 से 55 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तूफानी हवाएं चलेंगी। इनके झोंके 65 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकते हैं।

उत्तरी अंडमान सागर तथा दक्षिणी म्यांमार तट के आसपास 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से तेज हवाएं चलने का अनुमान है जहां झोंके 60 किमी/घंटे तक जा सकते हैं। उत्तरी म्यांमार तट और उससे सटे पूर्व-मध्य व उत्तर-पूर्वी बंगाल की खाड़ी के हिस्सों में 35 से 45 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलेंगी। इनके झोंके 55 किलोमीटर प्रति घंटे तक जा सकते हैं। मौसम विभाग ने मछुआरों को इन इलाकों में समुद्र में न उतरने की सलाह दी है।

IMD Heavy Rain Alert: उत्तराखंड में रेड कलर वॉर्निंग, UP-MP-दिल्ली संग इन राज्यों में भी मौसम बिगड़ेगा, बारिश और आंधी की चेतावनी

IMD Heavy Rain Alert Today, September 27: उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड समेत देश के कई हिस्सों में मानसून की सक्रियता अभी थमी नहीं है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने आज यानी 27 सितंबर (रविवार) को उत्तराखंड में मूसलाधार बारिश के साथ कुछ स्थानों पर अत्यंत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। वहीं, हिमाचल प्रदेश और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भी भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना है।

IMD के मुताबिक, दिल्ली-NCR समेत हरियाणा, चंडीगढ़, पूर्वी उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों में भी भारी बारिश हो सकती है। कई राज्यों में गरज-चमक, बिजली गिरने और तेज हवाओं के साथ बारिश का अलर्ट है।

उत्तराखंड में सबसे ज्यादा बारिश का खतरा

IMD के मुताबिक, उत्तराखंड में आज कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश के साथ अत्यंत भारी बारिश होने की आशंका है। देहरादून के लिए IMD के स्थानीय पूर्वानुमान में भी 27 सितंबर को लगातार बारिश और बहुत भारी से अत्यंत भारी बारिश के साथ 40-50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाओं तथा गरज-चमक की चेतावनी दर्ज है। लगातार बारिश को देखते हुए राज्य में सामान्य जनजीवन प्रभावित हुआ है।

दिल्ली-NCR में भी बारिश और आंधी की आशंका

दिल्ली, हरियाणा और चंडीगढ़ में आज भारी बारिश की आशंका है। IMD ने इन इलाकों में गरज-चमक और बिजली के साथ 40-50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की भी संभावना जताई है। हालांकि, दिल्ली के एक स्थानीय IMD केंद्र के पूर्वानुमान में 27 सितंबर के लिए अलग से कोई चेतावनी दर्ज नहीं है। जबकि क्षेत्रीय स्तर पर हरियाणा-चंडीगढ़-दिल्ली के लिए भारी बारिश और आंधी-तूफान का अलर्ट जारी है। यानी बारिश का असर स्थान विशेष के हिसाब से अलग-अलग हो सकता है।

यूपी और हिमाचल में भी बरसेंगे बादल

हिमाचल प्रदेश में 27 सितंबर को बहुत भारी बारिश का अलर्ट है। जबकि 28 सितंबर को भी भारी बारिश की संभावना बनी हुई है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भारी से बहुत भारी बारिश और पूर्वी उत्तर प्रदेश में कुछ स्थानों पर भारी बारिश की आशंका है। IMD के अनुसार यूपी के कुछ हिस्सों में गरज-चमक और 30-40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं भी चल सकती हैं।

इन राज्यों में भी आंधी-तूफान का अलर्ट

  • IMD के 27 सितंबर के पूर्वानुमान के मुताबिक, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, हिमाचल, जम्मू-कश्मीर-लद्दाख, पंजाब, उत्तराखंड, पश्चिमी यूपी और मध्य प्रदेश में बिजली चमकने के साथ 40-50 किमी/घंटे की तेज हवाएं चल सकती हैं।
  • आंध्र प्रदेश, पूर्वी यूपी, झारखंड, राजस्थान और तेलंगाना में 30-40 किमी/घंटे की रफ्तार से तेज हवाओं के साथ गरज-चमक की संभावना है।
  • असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में भी कुछ स्थानों पर बिजली चमकने के साथ गरज-चमक हो सकती है।
  • आंध्र प्रदेश में कुछ जगहों पर तेज सतही हवाएं चलने की संभावना है।

यूपी, झारखंड और उत्तराखंड में जनजीवन प्रभावित

उत्तर प्रदेश, झारखंड और उत्तराखंड में भारी बारिश के कारण सामान्य जनजीवन प्रभावित हुआ है। इसके कारण अधिकारियों को 27 सितंबर तक चारधाम यात्रा स्थगित करनी पड़ी। उत्तर प्रदेश को उत्तर-पूर्वी मध्यप्रदेश और इससे सटे उत्तरी छत्तीसगढ़ के ऊपर बने कम दबाव के क्षेत्र का सबसे अधिक असर झेलना पड़ा। यह मौसम प्रणाली दक्षिण-पूर्वी उत्तर प्रदेश की ओर उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ रही थी, जिसके कारण भारी बारिश हुई। राज्य के 63 जिलों में सामान्य से अधिक बारिश दर्ज की गई। बारिश से जुड़ी अलग-अलग घटनाओं में छह लोगों की मौत हो गई। ये सभी मौतें लखीमपुर खीरी, अमेठी और बाराबंकी जिलों में हुई।

100 से अधिक मकानों को नुकसान

अधिकारियों के अनुसार भारी बारिश, आंधी-तूफान और तेज हवाओं से ग्रामीण इलाकों में खड़ी फसलों और राज्यभर में 100 से अधिक मकानों को नुकसान पहुंचा। पिछले 24 घंटों में राज्य में सामान्य से 19 गुना अधिक बारिश दर्ज की गई। झारखंड में मूसलाधार बारिश से निचले इलाकों में पानी भर गया, जिससे वाहनों की आवाजाही प्रभावित हुई। कई नदियां खतरे के निशान से ऊपर बहने लगीं। कुछ इलाकों में लोग घुटने तक भरे पानी से होकर गुजरते नजर आए। जबकि जलभराव वाली सड़कों पर कई वाहन फंस गए।

एक अधिकारी ने बताया कि खराब मौसम के कारण बिरसा मुंडा एयरपोर्ट पर कम से कम छह उड़ानें रद्द कर दी गईं, जिनमें तीन आने वाली और तीन जाने वाली उड़ानें शामिल हैं। संबंधित जिला प्रशासन के आदेश के बाद रांची और जमशेदपुर समेत कई जिलों में स्कूल बंद रहे। पूर्वी सिंहभूम जिले में सुवर्णरेखा नदी खतरे के निशान से 2.02 मीटर ऊपर बह रही थी। जबकि खरकई नदी खतरे के निशान से 4.50 मीटर ऊपर बह रही थी। उन्होंने कहा कि रांची के हटिया और गेतलसूद बांधों में भी जलस्तर काफी बढ़ गया है।

चारधाम यात्रा दो दिन के लिए स्थगित

उत्तराखंड के अधिकतर जिलों में भारी बारिश के पूर्वानुमान के चलते चारधाम यात्रा दो दिन के लिए स्थगित कर दी गई है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने राज्य के कई हिस्सों के लिए ‘रेड’ और ‘ऑरेंज’ अलर्ट जारी किए जाने के बाद पांच जिलों में स्कूल बंद कर दिए गए। अधिकारियों ने बताया कि राज्य के ज्यादातर हिस्सों में सुबह से ही भारी बारिश हो रही है। जबकि ऊंचाई वाले इलाकों में रुक-रुक कर बर्फबारी हुई। अब तक राज्य में किसी के हताहत होने या बड़े नुकसान की कोई खबर नहीं है। हिमाचल प्रदेश के किन्नौर जिले में इस मौसम की पहली बर्फबारी हुई। जबकि शिमला और धर्मशाला समेत राज्य के कई हिस्सों में हल्की बारिश दर्ज की गई।

शिमला स्थित मौसम विज्ञान केंद्र ने राज्यभर में 29 सितंबर तक लगातार बारिश का अनुमान जताया है। मौसम कार्यालय ने कहा कि मध्य पहाड़ी क्षेत्रों में हल्की बारिश जारी रहने का अनुमान है। जबकि मैदानी इलाकों, निचले और ऊंचे पहाड़ी क्षेत्रों में दो अक्टूबर तक मौसम शुष्क रहेगा। देश के पूर्वी हिस्से में, दक्षिण बंगाल में बारिश की तीव्रता रविवार से कम होने का अनुमान है, क्योंकि वहां मौसम को प्रभावित करने वाली प्रणाली राज्य से दूर जा रही है। मौसम कार्यालय ने कहा कि रविवार से इस क्षेत्र के ज्यादातर इलाकों में मौसम काफी हद तक शुष्क रहने का अनुमान है। हालांकि, कुछ एक-दो स्थानों पर हल्की बारिश होने का अनुमान है।

अरब सागर में भी तेज हवाएं

IMD ने दक्षिण-पश्चिमी अरब सागर में सोमालिया तट और उसके आसपास के समुद्री क्षेत्र में 45-55 किमी/घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं, जिनके झोंके 65 किमी/घंटे तक पहुंच सकते हैं, चलने की संभावना जताई है।

क्यों हो रही है इतनी बारिश?

मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक उत्तर और मध्य भारत में बारिश के पीछे सक्रिय मौसम प्रणालियां जिम्मेदार हैं। एक निम्न दबाव क्षेत्र और पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से उत्तर भारत के कई हिस्सों में बारिश की गतिविधियां बढ़ी हैं। यह स्थिति ऐसे समय बनी है जब दक्षिण-पश्चिम मानसून देश के कुछ हिस्सों से वापस लौटना शुरू कर चुका है। लेकिन उत्तर भारत के कई क्षेत्रों में मानसून अभी पूरी तरह विदा नहीं हुआ है।

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Gorakhpur Rain Alert: उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले में शनिवार (26 सितंबर) को तेज हवा और भारी बारिश के कारण अलग-अलग स्थानों पर पेड़ गिरने से चार लोगों की मौत हो गई। वहीं, बारिश से जुड़ी अलग-अलग घटनाओं में 14 अन्य लोग घायल हो गए हैं। अधिकारियों ने बताया कि जिले के कैंपियरगंज थाना क्षेत्र के लक्ष्मीपुर गांव के गजरहिया टोला में शाम करीब चार बजे एक पेड़ झोपड़ी पर गिर गया। इस हादसे में सुभाष (55), महानंद की पत्नी ज्ञानमती देवी (45) और किशन प्रजापति (13) की मौत हो गई। जबकि राममिलन एवं सिरजावती नाम की महिला गंभीर रूप से घायल हो गए।

अधिकारियों के अनुसार, तेज हवा के दौरान कई ग्रामीण गांव के बाहरी हिस्से में बनी इस झोपड़ी में शरण लिए हुए थे। उन्होंने बताया कि पेड़ गिरने के बाद स्थानीय लोगों ने मलबा हटाकर घायलों को बाहर निकाला। कैंपियरगंज के उपजिलाधिकारी (SDM) और पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे तथा राहत एवं बचाव कार्यों की निगरानी की। एक अन्य घटना में गगहा थाना क्षेत्र के गजपुर पुलिस चौकी के पास महुआ का पेड़ गिरने से एक व्यक्ति की मौत हो गई।

80 साल पुराना पेड़ गिरा, पूरा परिवार चपेट में आया

पुलिस ने बताया कि मृतक की पहचान गगहा निवासी भीम कुमार विश्वकर्मा के रूप में हुई। पुलिस के मुताबिक, करीब साढ़े तीन बजे धर्मशाला क्षेत्र के जटेपुर दक्षिणी मोहल्ले की काली मंदिर गली में करीब 80 वर्ष पुराना एक पेड़ एक मकान पर गिर गया। पुलिस ने बताया कि इस हादसे के समय घर में करीब 12 लोग मौजूद थे। पुलिस के मुताबिक, पेड़ गिरने से सुरेश, सुभाष, मुन्नी और चुन्नी गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया।

पुलिस ने बताया कि पेड़ गिरने से बिजली के कई खंभे भी क्षतिग्रस्त हो गए, जिससे क्षेत्र में बिजली आपूर्ति बाधित रही। जिलाधिकारी दीपक मीणा और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SP) कौस्तुभ ने जिला अस्पताल पहुंचकर घायलों का हाल जाना। अधिकारियों ने बताया कि प्रभावित क्षेत्रों में राहत और सहायता कार्य जारी है। मौसम विभाग (IMD) के अनुसार अगले कुछ दिनों तक गोरखपुर में मूसलाधार बारिश और गरज-चमक का दौर जारी रहने की आशंका है।

सांसद रवि किशन के आवास में घुसा पानी

लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के कारण गोरखपुर शहर में कई स्थानों पर जलभराव की स्थिति पैदा हो गई। इसी दौरान बीजेपी सांसद रवि किशन के आवास में भी बारिश का पानी पहुंच गया। इसके बाद रवि किशन खुद बाहर निकले और शहर में जलभराव की स्थिति तथा जल निकासी व्यवस्था का जायजा लिया। गोरखपुर में लगातार बारिश के बीच प्रशासन और नगर निगम की टीमें जल निकासी व्यवस्था को दुरुस्त रखने में जुटी हैं। मंडलायुक्त इंद्र विक्रम सिंह ने शनिवार को शहर के प्रमुख नाले का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ जल निकासी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

भारी बारिश के कारण शहर के निचले इलाकों में भी जलभराव की समस्या सामने आई है। इससे पहले लगातार बारिश को देखते हुए प्रशासन ने 26 सितंबर को क्लास 1 से 12वीं तक के सभी स्कूल बंद रखने का आदेश जारी किया था। जलभराव की समस्या को लेकर स्थानीय लोगों ने भी नगर निगम के अधिकारियों से शिकायतें की हैं। विभिन्न इलाकों में जल निकासी की व्यवस्था की निगरानी की जा रही है। लोगों को जलभराव की वजह से काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।

रवि किशन ने जलभराव का निरीक्षण किया

भारी बारिश के बाद गोरखपुर के सांसद रवि किशन ने शहर के जलभराव वाले इलाकों का निरीक्षण किया। रवि किशन ने कहा, “15 से 19 साल में कभी किसी ने ऐसी बरसात नहीं देखी… पूरे शहर में काफी पानी भर गया। अब पानी काफी जगह से उतर रहा है… प्रशासन की तैयारी हमेशा रहती है… महादेव से प्रार्थना है कि बरसात न हो और अगर बरसात नहीं होती है तो यह कल-परसों तक स्थिति सामान्य हो जाएगी।”

अभिनेता से नेता बने बीजेपी सांसद ने आगे कहा, “अगर बरसात होती है तो आप सभी लोग कृपया बचें और घर से न निकलें…आकाशीय बिजली भी गिर रही है। कैंपियरगंज में पेड़ गिरने से 3 लोगों की मौत हुई है। उनके परिवार के प्रति संवेदना है… हम लोग 24 घंटा मुस्तैद हैं, प्रशासन मुस्तैद है तो पैनिक होने की जरूरत नहीं है।”

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कल का मौसम 27 सितंबर: उत्तराखंड, दिल्ली-NCR, यूपी संग इन राज्यों में आंधी के साथ मूसलाधार बारिश की चेतावनी

IMD Weather Update: सितंबर के आखिरी हफ्ते में देश के कई हिस्सों में मौसम का मिजाज बिगड़ सकता है। मौसम विभाग ने 27 सितंबर को उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। वहीं कई राज्यों में गरज-चमक के साथ तेज हवाएं चलने और बिजली गिरने की भी आशंका जताई गई है। इस दौरान 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती है। आईएमडी ने बारिश के दौरान लोगों को सावधानी बरतने की अपील की है। अचानक हो रही बारिश से लोगों को उमस भरी गर्मा से राहत मिली है।

कैसा होगा मौसम

मौसम विभाग के अनुसार, 27 सितंबर को हिमाचल प्रदेश और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भी कई जगहों पर भारी से बहुत भारी बारिश का अनुमान है। वहीं पूर्वी उत्तर प्रदेश, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली और मध्य प्रदेश में कुछ स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है। वहीं उत्तराखंड में कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है, जबकि कुछ इलाकों में अत्यधिक भारी बारिश की भी आशंका है। वहीं उत्तराखंड में भारी बारिश की वजह से चार धाम यात्रा दो दिनों के लिए रोक दी गई है।

दिल्ली में कैसा होगा मौसम

27 सितंबर को हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, मध्य प्रदेश, पंजाब, उत्तराखंड और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में गरज-चमक के साथ भारी बारिश हो सकती है। वहीं इस दौरान 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है। इसके अलावा अंडमान-निकोबार, आंध्र प्रदेश, पूर्वी उत्तर प्रदेश, झारखंड, राजस्थान और तेलंगाना में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाओं के साथ बारिश और बिजली गिरने की आशंका है।

असम-मेघालय और पूर्वोत्तर के कुछ राज्यों में भी गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है। आंध्र प्रदेश में तेज हवाएं चलने का अनुमान है। वहीं दक्षिण-पश्चिम अरब सागर से लगे सोमालिया तट के पास हवाओं की रफ्तार 45 से 55 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है, जो बढ़कर 65 किलोमीटर प्रति घंटे तक हो सकती है।

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Weather Alert: एमपी से यूपी और उत्तराखंड तक इन राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट, मौसम विभाग ने जारी की ये चेतावनी

Weather Alert: पूर्वोत्तर मध्य प्रदेश और उससे सटे उत्तरी छत्तीसगढ़ पर बना डिप्रेशन (दबाव का क्षेत्र) अब उत्तर भारत की तरफ रुख कर रहा है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) द्वारा 26 सितंबर 2026 की दोपहर जारी विशेष बुलेटिन के अनुसार, यह डिप्रेशन पिछले 6 घंटों में 13 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से उत्तर-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ा है।

मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक यह डिप्रेशन 26 सितंबर की शाम तक पूर्वोत्तर मध्य प्रदेश से होते हुए दक्षिण-पूर्व उत्तर प्रदेश की ओर बढ़ेगा। इसके बाद उत्तर-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ते हुए अगले 12 घंटों के भीतर धीरे-धीरे कमजोर होकर एक सुस्पष्ट निम्न दाब क्षेत्र में बदल हो जाएगा।

यूपी, उत्तराखंड और एमपी में अत्यंत भारी बारिश का रेड अलर्ट

इस डिप्रेशन और पश्चिमी विक्षोभ के संयुक्त असर से मध्य भारत से लेकर उत्तर भारत के मैदानी व पहाड़ी इलाकों में भीषण बारिश का दौर जारी है। मौसम विभाग ने अगले 48 घंटों के लिए बेहद गंभीर चेतावनी जारी की है। 26 सितंबर को पूरे उत्तर प्रदेश में मौसम का मिजाज बेहद सख्त रहेगा। उत्तरी उत्तर प्रदेश में कुछ जगहों पर अत्यंत भारी बारिश होने की प्रबल संभावना है। दक्षिणी उत्तर प्रदेश में भारी से बहुत भारी बारिश दर्ज हो सकती है। 26 सितंबर को पूर्वी और पश्चिमी उत्तर प्रदेश दोनों हिस्सों में बेहद मूसलाधार बारिश का अलर्ट है जबकि पूर्वी उत्तर प्रदेश में 27 सितंबर को भी भारी बारिश जारी रहेगी।

उत्तराखंड में 26 और 27 सितंबर को कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश के साथ पृथक इलाकों में असाधारण और अत्यंत भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी किया गया है। 28 सितंबर को भी राज्य में भारी वर्षा का सिलसिला बना रहेगा। 26 सितंबर को छत्तीसगढ़, पूर्वी मध्य प्रदेश और पश्चिमी मध्य प्रदेश में अलग-अलग स्थानों पर बहुत भारी बारिश का अनुमान है। 27 सितंबर को पूर्वी व पश्चिमी मध्य प्रदेश में भारी बारिश दर्ज की जा सकती है।

बीते 24 घंटों में रिकॉर्ड मूसलाधार बारिश

मौसम विभाग के मुताबिक बीते 24 घंटों में इस मौसमी तंत्र की वजह से देश के विभिन्न हिस्सों में जमकर पानी बरसा है। उत्तर प्रदेश में 21 सेमी से अधिक रिकॉर्ड तोड़ बारिश दर्ज की गई। उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल व सिक्किम, ओडिशा, पूर्वी मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड और उत्तराखंड में अत्यधिक बारिश हुई। गांगेय पश्चिम बंगाल, पश्चिमी मध्य प्रदेश, केरल, बिहार और विदर्भ में भारी बारिश दर्ज की गई।

दिल्ली-एनसीआर, पंजाब और हरियाणा में 60kmph की आंधी और बारिश

उत्तर-पश्चिम भारत के मैदानी इलाकों में भी मौसम का व्यापक असर देखा जाएगा। हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली में 26 और 27 सितंबर को व्यापक रूप से बारिश होगी। इसके साथ ही 26 और 27 सितंबर को दिल्ली-एनसीआर, पंजाब, हरियाणा और उत्तर प्रदेश में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज तूफानी हवाएं (झोंके 60 किमी/घंटे तक) चलने और आकाशीय बिजली चमकने की आशंका है।

हिमाचल प्रदेश में 26 और 28 सितंबर को भारी बारिश और 27 सितंबर को बहुत भारी बारिश की चेतावनी दी गई है। पूर्वी राजस्थान में 26 से 30 सितंबर और पश्चिमी राजस्थान में 27 से 29 सितंबर के दौरान झोंकेदार हवाओं के साथ बारिश हो सकती है।

बिहार, झारखंड और बंगाल का मौसम

पूर्वी भारत के राज्यों में 26 सितंबर को व्यापक बारिश का अनुमान जताया गया है। बिहार में 26 सितंबर को तेज सतही हवाएं चलने के साथ कई जगहों पर बहुत भारी बारिश की संभावना है। झारखंड, ओडिशा और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल व सिक्किम में 26 सितंबर को अलग-अलग जगहों पर भारी बारिश हो सकती है। बिहार और झारखंड में 26 सितंबर को 40 से 50 किमी/घंटे की गति से हवाएं चलने और बिजली कड़कने का अलर्ट जारी किया गया है। अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में 26 से 29 सितंबर के दौरान तेज बारिश और हवाओं का दौर बना रहेगा।

दक्षिण, पश्चिम और पूर्वोत्तर भारत की स्थिति

दक्षिण भारत में केरल व माहे और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में 28 सितंबर से 1 अक्टूबर के दौरान काफी बारिश होगी। तटीय आंध्र प्रदेश, रायलसीमा और तमिलनाडु में 26 से 30 सितंबर के बीच 30 से 50 किमी/घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है। पश्चिम भारत में महाराष्ट्र के मराठवाड़ा और मध्य महाराष्ट्र में 26 से 28 सितंबर के दौरान तेज सतही हवाएं चलेंगी और बारिश होगी। पूर्वोत्तर के राज्यों असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 26 और 27 सितंबर को बिजली चमकने और 29 व 30 सितंबर को असम व मेघालय में भारी बारिश का अनुमान है।

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September 27 Weather: सितंबर के आखिरी हफ्ते में मौसम एक बार फिर करवट लेता नजर आ रहा है। ऐसे में मौसम विभाग (IMD) ने कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश के साथ आंधी-तूफान और बिजली गिरने की संभावनता जताई है। वहीं, उत्तराखंड में भी कुछ जगहों पर बहुत ज्यादा बारिश हो सकती है। इसके अलावा, दिल्ली-NCR, उत्तर प्रदेश, पंजाब और हिमाचल प्रदेश में भी बारिश और आंधी-तूफान की उम्मीद है।

कल दिल्ली-NCR का मौसम

शहर के मौसम के अनुमान के मुताबिक, 27 सितंबर को न्यूनतम तापमान 22°C और अधिकतम तापमान 31°C रहने की उम्मीद है और मौसम को लेकर कोई खास चेतावनी नहीं है। वहीं, फरीदाबाद और गुड़गांव में आंधी-तूफान और बिजली गिरने की संभावना है क्योंकि हरियाणा-दिल्ली के बड़े इलाके में भारी बारिश की चेतावनी जारी है।

उत्तर प्रदेश में कल का मौसम

IMD ने 27 सितंबर को पूर्वी उत्तर प्रदेश में भारी बारिश और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में बहुत भारी बारिश के साथ-साथ आंधी-तूफान और बिजली गिरने का अनुमान लगाया है। हालांकि, 28 सितंबर से मौसम की चेतावनी में राहत मिलने की उम्मीद है।

इस अनुमान को देखते हुए राज्य सरकार ने जिला प्रशासन को अलर्ट पर रखा है। जिलाधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वे सतर्क रहें और अचानक बाढ़ (flash floods) की आशंका वाले इलाकों में व्यवस्थाओं पर नजर रखें।

इसके अलावा, रेड अलर्ट वाले और अचानक बाढ़ की आशंका वाले जिलों में स्कूल बंद रखे गए हैं।

उत्तराखंड में कल का मौसम

27 सितंबर को उत्तराखंड में बहुत भारी बारिश होने की संभावना है, साथ ही आंधी-तूफान और बिजली भी कड़क सकती है। वहीं, IMD ने चेतावनी दी है कि 28 सितंबर को भी भारी बारिश जारी रह सकती है, जिस वजह से भूस्खलन और सड़कें बंद होने का खतरा बढ़ सकता है, नदियों और नालों में जलस्तर बढ़ सकता है और मैदानी इलाकों में जलभराव की समस्या हो सकती है।

राज्य सरकार ने लोगों से सतर्क रहने, गैर-जरूरी यात्रा से बचने और मौसम की जानकारी पर लगातार नजर रखने की अपील की है।

हिमाचल प्रदेश में कल का मौसम

IMD ने 27 सितंबर को हिमाचल प्रदेश में बहुत भारी बारिश, आंधी-तूफान और बिजली गिरने का अनुमान लगाया है। साथ ही 28 सितंबर को भी भारी बारिश जारी रहने की संभावना जताई है।

पंजाब में कल का मौसम

पंजाब में भी 27 सितंबर को भारी बारिश, आंधी-तूफान और बिजली गिरने की संभावना है। फिलहाल 28 सितंबर से राज्य के लिए कोई चेतावनी जारी नहीं की गई है।

झारखंड में कल का मौसम

मध्य और पूर्वी भारत से गुजर रहे मौसम सिस्टम के असर से झारखंड में बारिश हो रही है। 27 सितंबर को राज्य के कुछ हिस्सों में आंधी-तूफान और बिजली गिरने की संभावना है, जबकि 28 सितंबर से हालात में कुछ सुधार होने की उम्मीद है।

अधिकारियों ने लोगों को सलाह दी है कि बिजली कड़कने के दौरान खुले मैदानों, पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहें और पानी भरे इलाकों से गुजरते समय सावधानी बरतें।

कल राजस्थान का मौसम

राजस्थान में 27 सितंबर को मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग के मुताबिक, पूर्वी राजस्थान के कुछ हिस्सों में गरज-चमक और बिजली गिरने की संभावना है। वहीं, पश्चिमी राजस्थान के लिए फिलहाल कोई मौसम चेतावनी जारी नहीं की गई है।

कल जम्मू-कश्मीर का मौसम

27 सितंबर को जम्मू-कश्मीर और लद्दाख के लिए मौसम की कोई चेतावनी नहीं है। 28 सितंबर से कुछ इलाकों में आंधी-तूफान और बिजली गिरने की संभावना है।

कल ओडिशा का मौसम

भुवनेश्वर स्थित मौसम केंद्र के अनुसार, कल ओडिशा में आसमान में आंशिक रूप से बादल छाए रहने और एक-दो बार बारिश या गरज के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है। हालांकि, राज्य के लिए मौसम की कोई गंभीर चेतावनी नहीं है।

कल आंध्र प्रदेश का मौसम

29 सितंबर तक आंध्र प्रदेश के कई जिलों में आसमान में बादल छाए रहने, हल्की बारिश और तेज सतही हवाएं चलने की संभावना है।

तटीय आंध्र प्रदेश और यनम में 27 से 30 सितंबर के बीच बारिश हो सकती है। वहीं, 27 और 28 सितंबर को गरज-चमक, बिजली गिरने और 30-40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का अनुमान है। इस दौरान हवा के झोंकों की रफ्तार 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है।

इसके अलावा तटीय आंध्र प्रदेश, यनम और रायलसीमा में भी तेज सतही हवाएं चलने की उम्मीद है।

पूर्वोत्तर में कल का मौसम

27-28 सितंबर को असम और मेघालय में काफी ज्यादा से लेकर व्यापक बारिश होने की संभावना है, जबकि अरुणाचल प्रदेश में 28 सितंबर को भारी बारिश हो सकती है।

इसेक अलावा, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में भी 27 सितंबर को काफी ज्यादा से लेकर व्यापक बारिश होने की संभावना है।

वहीं, अरुणाचल प्रदेश में 27 सितंबर और 29-30 सितंबर को कहीं-कहीं या छिटपुट बारिश हो सकती है। असम और मेघालय में 29-30 सितंबर को कहीं-कहीं या छिटपुट बारिश होने की संभावना है, जबकि नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 30 सितंबर तक ऐसे ही हालात बने रह सकते हैं।

पश्चिम बंगाल में कल का मौसम

ओडिशा के अंदरूनी इलाकों में बने डिप्रेशन और सक्रिय मॉनसून की वजह से उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल के कुछ हिस्सों में बहुत भारी बारिश हुई है। दार्जिलिंग में भूस्खलन हुआ है, और IMD ने जिले में और बारिश का अनुमान लगाया है।

कालिम्पोंग और जलपाईगुड़ी में भी मौसम के ऐसे ही हालात रहने की संभावना है, और मौसम विभाग ने दार्जिलिंग और कालिम्पोंग में भूस्खलन की चेतावनी दी है।

महाराष्ट्र और गुजरात का मौसम

अगले कुछ दिनों के दौरान गुजरात, कोंकण और गोवा, मध्य महाराष्ट्र और मराठवाड़ा में कहीं-कहीं या छिटपुट बारिश होने की संभावना है।

कल दक्षिण भारत का मौसम

27 से 30 सितंबर के बीच रायलसीमा, तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में कहीं-कहीं बारिश होने की संभावना है।

इसी दौरान केरल, माहे और लक्षद्वीप में भी बारिश हो सकती है, जबकि तटीय कर्नाटक में 27 से 29 सितंबर के बीच बारिश हो सकती है।

इसके अलावा, उत्तरी अंदरूनी कर्नाटक और तेलंगाना में 27 से 30 सितंबर के बीच कहीं-कहीं बारिश होने की संभावना है। वहीं, दक्षिणी अंदरूनी कर्नाटक में भी 27-28 सितंबर को ऐसे ही हालात रहने की उम्मीद है।

27-28 सितंबर के दौरान तटीय आंध्र प्रदेश और यनम में, और 27-28 सितंबर को ही रायलसीमा में आंधी-तूफान, बिजली कड़कने और 30-40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं (जिनकी गति 50 किमी प्रति घंटे तक पहुंच सकती है) चलने की संभावना है।

IMD का ताजा अनुमान

IMD के ताजा अनुमान के मुताबिक, 27 सितंबर के बाद कई उत्तरी राज्यों में मौसम की तेज गतिविधियां कम हो जाएंगी। उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश में 28 सितंबर को भी बारिश जारी रहने की उम्मीद है, जबकि उत्तर प्रदेश, दिल्ली-एनसीआर और पंजाब के लिए चेतावनी कम होने की उम्मीद है।

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