क्या NSE के IPO से पहले BSE के शेयरों में निवेश करना समझदारी है?

बीएसई के शेयरों में 4 सितंबर को जोरदार तेजी आई। यह 3 फीसदी से ज्यादा चढ़कर 3,411 रुपये पर बंद हुआ। 3 सितंबर को भी शेयर में तेजी आई थी। इस तेजी की बड़ी वजह बीएसई के एमडी और सीईओ का यह बयान है कि आईपीओ के बाद एनएसई अपने शेयर अपने ही प्लेटफॉर्म पर लिस्ट नहीं करा सकता। 4 सितंबर को एनएसई के आईपीओ को सेबी की क्लियरेंस मिल गई। सवाल है कि क्या अभी बीएसई के शेयरों में निवेश करना समझदारी है?

ऑल-टाइम हाई पर पहुंचने के बाद बिकवाली दबाव

शेयर डॉट मार्केट बाय फोनपे के मार्केट एनालिस्ट मयंक जैन ने कहा कि बीएसई के शेयर इस साल की शुरुआत में 4,500 रुपये के सबसे हाई लेवल पर पहुंच गए थे। उसके बाद शेयरों पर लगातार बिकवाली का दबाव दिखा है। हालांकि, करीब 3,265 रुपये के 200-डे सिंपल मूविंग एवरेज (SMA) को टेस्ट करने के बाद शेयर में फिर से खरीदारी शुरू हुई।

रेसिस्टेंस लेवल को पार करने के बाद आ सकती है तेजी

उन्होंने कहा, “डेली चार्ट पर शेयर 3,265 रुपये के अपने 200-डे एसएम के करीब सपोर्ट लेवल को टेस्ट कर रहा है। यह शेयरों में निवेश बढ़ाने का भरोसेमंद बेस है। हालांकि, 3,550 रुपये के नजदीक 50-डे एसएम पर अगला रेसिस्टेंस है।” उन्होंने कहा कि अगर शेयर इस लेवल को पार करने के बाद लगातार इसके ऊपर बना रहता है तो इसका ट्रेंड बदलने की पुष्टि हो जाएगी। इसके बाद इसमें तेजी दिखेगी।

CAS पर सेबी के बयान से बीएसई के शेयरों में तेजी

सेबी के इस बयान से भी बीएसई के शेयर को मजबूती मिली है कि वह क्लोजिंग ऑक्शन सेशन यानी CAS पर विचार करेगा। CAS की शुरुआत 3 अगस्त को हुई थी। उसके बाद शेयरों में काफी ज्यादा खासकर एक्सपायरी के दिन उतार-चढ़ाव देखने को मिला है। सेबी को सीएएस के बारे में काफी फीडबैक मिले हैं। वह उन पर विचार करने के बाद CAS सिस्टम में कुछ बदलाव कर सकता है।

शॉर्ट टर्म में दिख सकता है शेयर में पुलबैक

मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेज में वाइस प्रेसिडेंट रुचित जैन ने कहा कि बीएसई का शेयर 4,400 रुपये के हाई लेवल से करेक्ट हुआ है। यह 3,200 रुपये पर आ गया है। RSI से शेयर के ओवरसोल्ड जोन में होने का संकेत मिलता है। अगर यह शेयर 3,200-3,150 रुपये के सपोर्ट लेवल से ऊपर बना रहता है तभी शॉर्ट टर्म में इसमें पुलबैक दिख सकता है।

यह भी पढ़ें: NSE के आईपीओ को सेबी की हरी झंडी, जानें किस तारीख को लिस्ट होंगे शेयर

एनएसई के शेयर अपने प्लेटफॉर्म पर लिस्ट नहीं होंगे

पीएल कैपिटल ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि अगर एनएसई के शेयर उसके खुद के प्लेटफॉर्म पर लिस्ट होते हैं तो इससे FY27 में बीएसई की अर्निंग्स पर असर पड़ सकता है। हालांकि, ऐसा लगता है कि एनएसई के शेयर अपने खुद के प्लेटफॉर्म पर लिस्ट नहीं होंगे। स्टॉक एक्सचेंज के शेयर को अपने ही प्लेटफॉर्म पर लिस्ट होने की इजाजत नहीं है।

डिसक्लेमर: मनीकंट्रोल पर एक्सपर्ट्स की तरफ से व्यक्त विचार उनके अपने विचार होते हैं। ये वेबसाइट या इसके मैनेजमेंट के विचार नहीं होते। मनीकंट्रोल की यूजर्स को सलाह है कि उन्हें निवेश का फैसला लेने से पहले सर्टिफायड एक्सपर्ट्स की राय लेनी चाहिए।

Jio के 10 साल पूरे, मध्यप्रदेश-छत्तीसगढ़ में 5.09 करोड़ ग्राहक, 58.4% बाजार हिस्सेदारी के साथ डिजिटल क्रांति को नई रफ्तार

Jio के 10 साल पूरे, मध्यप्रदेश-छत्तीसगढ़ में 5.09 करोड़ ग्राहक, 58.4% बाजार हिस्सेदारी के साथ डिजिटल क्रांति को नई रफ्तार

jio pc

दस साल पहले मोबाइल हाथ में था, लेकिन इंटरनेट की रफ्तार और पहुंच आज जैसी नहीं थी। महंगा डेटा और सीमित कनेक्टिविटी डिजिटल दुनिया की राह में बड़ी बाधा थे। फिर आया 2016, और रिलायंस जियो के आगमन ने भारत के टेलीकॉम परिदृश्य को बदल दिया। मोबाइल इंटरनेट सुविधा से आगे बढ़कर रोजमर्रा की जरूरत बन गया। 

 

मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ में भी इस बदलाव की तस्वीर साफ दिखाई देती है। सितंबर 2016 में सेवा शुरू होने के समय मध्यप्रदेश-छत्तीसगढ़ में जियो के महज 8.9 लाख ग्राहक थे। जुलाई 2026 तक यह संख्या बढ़कर करीब 5.09 करोड़ हो गई। यानी करीब एक दशक में ग्राहक आधार 56.6 गुना बढ़ा। 

 

जुलाई 2026 तक मध्यप्रदेश-छत्तीसगढ़ टेलीकॉम सर्किल में कुल 8.71 करोड़ मोबाइल कनेक्शन में जियो की हिस्सेदारी 58.4% पहुंच चुकी है। अगस्त 2018 में एयरटेल और अक्टूबर 2019 में वोडाफोन आइडिया को पीछे छोड़कर नंबर-1 बनने के बाद जियो ने यह स्थान लगातार बनाए रखा है। 

 

आंकड़ों से बड़ी कहानी

इन आंकड़ों के पीछे बदलता मध्यप्रदेश-छत्तीसगढ़ दिखाई देता है। मोबाइल इंटरनेट ने गांव के छात्र को ऑनलाइन कक्षा, किसान को बाजार की जानकारी, छोटे दुकानदार को डिजिटल भुगतान और परिवारों को वीडियो कॉल से जोड़ा। मोबाइल अब सिर्फ बातचीत का माध्यम नहीं, बल्कि शिक्षा, कारोबार, बैंकिंग, मनोरंजन, जानकारी और सेवाओं की जेब में रखी दुनिया बन गया है। 

 

4G से True 5G और JioPC तक

जियो का सफर 4G से True 5G तक पहुंच चुका है और अब अगली मंजिल AI, क्लाउड और डिजिटल कंप्यूटिंग की है। इसी दिशा में JioPC जैसी पहल कंप्यूटिंग को भी अधिक सुलभ बनाने की कोशिश है। पुराने कंप्यूटर या लैपटॉप को बदले बिना क्लाउड आधारित तकनीक के जरिए उसे आधुनिक कंप्यूटिंग अनुभव से जोड़ा जा सकता है। इससे बिना नया हार्डवेयर खरीदे AI और अन्य भारी एप्लिकेशन चलाने की संभावनाएं बनती हैं।तेज कनेक्टिविटी और क्लाउड तकनीक का यह मेल एग्रीटेक, हेल्थटेक, शिक्षा, उद्योग, IoT और स्मार्ट सिटी जैसे क्षेत्रों में डिजिटल बदलाव की नई संभावनाएं खोल रहा है। 

 

मोबाइल से घर तक डिजिटल दुनिया

JioFiber और JioAirFiber के विस्तार के साथ मध्यप्रदेश-छत्तीसगढ़ में जियो का ब्रॉडबैंड ग्राहक आधार 21 लाख के पार पहुंच चुका है। घर से काम, ऑनलाइन पढ़ाई, डिजिटल कंटेंट और छोटे कारोबार के लिए इंटरनेट अब घर की मूलभूत जरूरत बन चुका है। 8.9 लाख से 5.09 करोड़ तक का सफर सिर्फ ग्राहकों की संख्या नहीं है। यह बदलते मध्यप्रदेश-छत्तीसगढ़ की कहानी है—जहां कनेक्टिविटी ने दूरी घटाई, डिजिटल सेवाओं ने अवसर बढ़ाए और अब AI व क्लाउड नई संभावनाओं के दरवाजे खोल रहे हैं।
 

दस साल बेमिसाल—सफर अभी जारी है।

कौन हैं IAS मेधा रूपम, जिन पर हाईकोर्ट ने लगाया 5 लाख का जुर्माना, CEC से भी है कनेक्शन

कौन हैं IAS मेधा रूपम, जिन पर हाईकोर्ट ने लगाया 5 लाख का जुर्माना, CEC से भी है कनेक्शन

Medha_Roopam

Who is IAS Medha Rupam: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने दिल्ली विश्वविद्यालय की छात्रा आकृति चौधरी की हिरासत रद्द करते हुए गौतम बुद्धनगर (नोएडा) की जिलाधिकारी (DM) मेधा रूपम पर 5 लाख रुपए का जुर्माना लगाया है। आईएएस मेधा यूपी कैडर की 2014 बैच की वरिष्ठ अधिकारी हैं। मेधा भारत के 26वें मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार की बेटी हैं, जो कि 1988 बैच के केरल कैडर के रिटायर्ड आईएएस अधिकारी हैं।

 

दरअसल, हाईकोर्ट की अतुल श्रीधरन और अचल सचदेव की बेंच ने कृति चौधरी की हिरासत को रद्द करते हुए नोएडा की डीएम मेधा रूपम को पीड़िता को 5 लाख रुपए का मुआवजा देने का आदेश दिया है। हालांकि मेधा हाईकोर्ट के इस फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दे सकती हैं।

क्या है पूरा मामला? 

यह मामला इलाहाबाद हाईकोर्ट द्वारा सुनाए गए एक ऐतिहासिक और सख्त फैसले से जुड़ा है। दरअसल, इसी साल अप्रैल में गौतमबुद्ध नगर (नोएडा) में वेतन बढ़ाने के मांग को लेकर मजदूरों ने आंदोलन किया था। इस दौरान नोएडा में 13 अप्रैल को हिंसा फैल गई थी। हिंसा के आरोप में आकृति समेत अन्य सामाजिक कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया गया था। आकृति को उस समय हिंसा फैलाने के आरोप में एनएसए लगाकर जेल में डाल दिया गया था। इसके बाद आकृति को 5 महीने जेल में रहना पड़ा था। 

 

सरकार ने इस मामले में सबूत होने की बात कही थी, लेकिन आकृति के खिलाफ कोई सबूत पेश नहीं किए जा सके। आकृति के वकील ने बताया कि 13 अप्रैल की हिंसा से पहले ही उन्हें हिरासत में ले लिया गया था। हाईकोर्ट ने सुनवाई के दौरान पाया कि पुलिस और प्रशासन की यह कार्रवाई पूरी तरह मनगढ़ंत, दुर्भावनापूर्ण और अधिकारों का दुरुपयोग थी।

वेतन से कटेगी जुर्माने की राशि

कोर्ट ने आकृति को तत्काल रिहा करने का आदेश जारी करने के साथ ही 5 महीने जेल में रखने के एवज में उन्हें 5 लाख रुपए का मुआवजा देने का भी आदेश दिया। रिपोर्ट्‍स के मुताबिक मुआवजे की यह राशि डीएम मेधा रूपम के वेतन से काटकर आकृति को प्रदान की जाएगी। आकृति चौधरी एक एक्टिविस्ट हैं। उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से इतिहास में पोस्ट ग्रेजुएशन किया है। इसी मामले में पत्रकार सत्यम वर्मा पर भी NSA लगाया गया था।

 

 

कल का मौसम: 5 सितंबर को इन राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट! दिल्ली-यूपी से राजस्थान-एमपी तक जानिए कहां-कहां ऑरेंज कलर वॉर्निंग

IMD Weather Update: देश के कई हिस्सों में मानसूनी बारिश लगातार जारी है और मौसम विभाग ने अगले दिन यानी 5 सितंबर के लिए कई राज्यों में मूसलाधार बारिश की चेतावनी जारी की है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के ताजा बुलेटिन के मुताबिक 5 सितंबर को राजस्थान और मध्य प्रदेश के पश्चिमी हिस्सों में बारिश का दौर सबसे ज्यादा उग्र देखने को मिल सकता है। इसके चलते वहां ऑरेंज स्तर की चेतावनी जैसी स्थिति बनी हुई है। इसके साथ ही उत्तर भारत के मैदानी इलाकों, पहाड़ी राज्यों, बिहार और पूर्वोत्तर भारत के राज्यों में भी मध्यम से भारी बारिश और आंधी-तूफान का अलर्ट जारी किया गया है।

राजस्थान और पश्चिमी मध्य प्रदेश में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी

5 सितंबर को देश में सबसे ज्यादा मौसमी हलचल पूर्वी राजस्थान और पश्चिमी मध्य प्रदेश में देखने को मिलेगी। मौसम विभाग ने इन दोनों क्षेत्रों के अलग-अलग जगहों पर भारी से बहुत भारी बारिश होने का अनुमान जताया है। इसके अलावा पूर्वी मध्य प्रदेश के इलाकों में भी कई जगहों पर भारी बारिश दर्ज की जा सकती है। पूरे मध्य प्रदेश और राजस्थान के अलग-अलग हिस्सों में दिनभर बादलों की गर्जना और आकाशीय बिजली चमकने की आशंका बनी रहेगी। स्थानीय प्रशासन ने लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी है।

दिल्ली, यूपी, पंजाब-हरियाणा और उत्तराखंड का मौसम

उत्तर-पश्चिम भारत के मैदानी और पहाड़ी इलाकों में भी 5 सितंबर को राहत मिलने के आसार नहीं हैं। दिल्ली, हरियाणा और चंडीगढ़ में 5 सितंबर को भारी बारिश की संभावना है। इसके साथ ही पंजाब और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में मूसलाधार बौछारें पड़ने का अनुमान है। मैदानी इलाकों में बारिश के साथ-साथ बादलों की कड़क और बिजली गिरने का अंदेशा बना हुआ है।

पहाड़ी राज्यों में उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश के अलग-अलग क्षेत्रों में 5 सितंबर को भारी बारिश होने के आसार हैं। उत्तराखंड में बारिश के साथ तेज गर्जना और बिजली चमकने की चेतावनी दी गई है। जम्मू-कश्मीर-लद्दाख के इलाकों में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली तेज तूफानी हवाओं के साथ बारिश और बिजली कड़कने का अलर्ट जारी किया गया है।

बिहार और पूर्वोत्तर भारत का वेदर रिपोर्ट

पूर्वी भारत के प्रमुख राज्यों में शामिल बिहार में 5 सितंबर को अलग-अलग जगहों पर भारी बारिश की संभावना है। बिहार के साथ-साथ पश्चिम बंगाल और सिक्किम में बारिश के दौरान 30 से 40 किमी प्रति घंटे की गति से हवाएं चलने और आकाशीय बिजली चमकने की चेतावनी दी गई है। उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में कई जगहों पर भारी बारिश दर्ज की जा सकती है। झारखंड और छत्तीसगढ़ में भी अलग-अलग स्थानों पर बिजली गिरने और गरज के साथ बारिश होने का पूर्वानुमान है।

पूर्वोत्तर भारत में मानसून का असर व्यापक रहेगा। अरुणाचल प्रदेश, असम और मेघालय के साथ-साथ नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 5 सितंबर को अलग-अलग जगहों पर भारी बारिश का अलर्ट है। इन सभी पूर्वोत्तर राज्यों में दिनभर बिजली चमकने और आंधी-पानी की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं।

दक्षिण भारत में तेज हवाएं और समुद्र का मिजाज

दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत की बात करें तो आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में 5 सितंबर को 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज तूफानी हवाएं चलने और बिजली कड़कने का अलर्ट जारी किया गया है। आंध्र प्रदेश और आंतरिक कर्नाटक के इलाकों में दिनभर तेज सतही हवाएं चलती रहेंगी। आंतरिक कर्नाटक और अंडमान एवं निकोबार द्वीप समूह में 30 से 40 किमी प्रति घंटे की गति से हवाएं चलने और बिजली चमकने की संभावना है।

उधर समुद्री सीमाओं और तटीय क्षेत्रों में मौसम खराब रहने की आशंका है। सोमालिया तट से लगे पश्चिम-मध्य और दक्षिण-पश्चिम अरब सागर के कुछ हिस्सों में 45 से 55 किमी प्रति घंटे की गति से तेज हवाएं चल सकती हैं, जिनकी रफ्तार बढ़कर 65 किमी प्रति घंटे तक पहुंच सकती है।

यह भी पढ़ें: Delhi NCR Weather: दिल्ली-NCR में बदला मौसम, आंधी-तूफान के साथ कई इलाकों में हुई झमाझम बारिश, IMD ने जारी किया रेड अलर्ट

iPhone 18 Pro Max लॉन्च से पहले सस्ता हुआ iPhone 17 Pro Max, मिल रहा है धमाकेदार डिस्काउंट

iPhone 18 Pro Max लॉन्च से पहले सस्ता हुआ iPhone 17 Pro Max, मिल रहा है धमाकेदार डिस्काउंट

Apple के नए iPhone 18 Pro Max के लॉन्च का इंतजार अब लगभग खत्म होने वाला है। रिपोर्ट के मुताबिक, iPhone 18 Pro Max को 9 सितंबर 2026 को लॉन्च किया जा सकता है। नए आईफोन की एंट्री से पहले Amazon और Flipkart ने पुराने iPhone 17 Pro Max के स्टॉक को क्लियर करने के लिए इसकी कीमत में कटौती शुरू कर दी है।

ALSO READ: Kia Sorento : भारत में लॉन्च हुई नई प्रीमियम SUV, कीमत ₹27.99 लाख से शुरू; हाइब्रिड और डीजल इंजन के साथ मिलेगी AWD की सुविधा

अगर आप नया iPhone खरीदने की योजना बना रहे हैं, तो मौजूदा ऑफर्स आपके लिए खास हो सकते हैं। Amazon और Flipkart दोनों पर iPhone 17 Pro Max के 256GB मॉडल की कीमत कम हुई है। हालांकि, Apple की आधिकारिक वेबसाइट पर इसकी कीमत में कोई कटौती नहीं की गई है।

 

Amazon पर iPhone 17 Pro Max की कीमत

Amazon पर iPhone 17 Pro Max 256GB की कीमत घटकर 1,43,990 रुपये हो गई है। इसकी मूल कीमत 1,49,900 रुपये थी। यानी फोन पर सीधे करीब 4 प्रतिशत की छूट मिल रही है। यह मॉडल Deep Blue कलर ऑप्शन में उपलब्ध है। इसके अलावा चुनिंदा क्रेडिट कार्ड से भुगतान करने पर 4,000 रुपये तक की अतिरिक्त बचत की जा सकती है। इनमें SBI, ICICI और Axis Bank समेत कुछ अन्य बैंक के कार्ड शामिल हैं। पुराना स्मार्टफोन एक्सचेंज करने पर डील और भी आकर्षक हो सकती है। एक्सचेंज ऑफर के तहत फोन की स्थिति और मॉडल के आधार पर 27,000 रुपये तक की अतिरिक्त कीमत मिल सकती है।

 

Flipkart पर भी घटे iPhone 17 Pro Max के दाम

Flipkart पर भी iPhone 17 Pro Max 256GB की कीमत कम की गई है। यहां फोन 1,49,900 रुपये से घटकर 1,44,900 रुपये में मिल रहा है। यानी सीधे तौर पर करीब 3 प्रतिशत की कीमत कटौती हुई है।

 

हालांकि, Flipkart पर बैंक ऑफर्स के जरिए ज्यादा बचत की जा सकती है। Flipkart Axis Bank Credit Card से भुगतान करने पर कुल 9,000 रुपये तक का लाभ मिलने की बात कही गई है। इसमें 4,000 रुपये का कैशबैक और 5,000 रुपये का इंस्टेंट डिस्काउंट शामिल है। इसके अलावा SBI, ICICI और Axis Bank के चुनिंदा कार्ड से 6,000 रुपये तक की अतिरिक्त छूट मिलने की जानकारी दी गई है। अन्य ऑफर्स भी उपलब्ध हो सकते हैं।

 

Apple की वेबसाइट पर अभी भी पूरी कीमत

 

Amazon और Flipkart पर कीमतों में कटौती के बावजूद Apple की आधिकारिक वेबसाइट पर iPhone 17 Pro Max 256GB की कीमत 1,49,900 रुपये ही बनी हुई है। इसका मतलब है कि फिलहाल सीधे Apple से खरीदने के बजाय ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध बैंक और एक्सचेंज ऑफर्स के जरिए ज्यादा बचत की जा सकती है।

 

iPhone 17 Pro Max में क्या मिलता है?

 

iPhone 17 Pro Max में हीट-फोर्ज्ड एल्युमिनियम यूनिबॉडी डिजाइन दिया गया है। फोन के फ्रंट पर Ceramic Shield 2 मिलता है, जिसके बारे में कंपनी का दावा है कि यह पिछली पीढ़ी की तुलना में स्क्रैच से तीन गुना बेहतर सुरक्षा देता है। कैमरा सेटअप की बात करें तो इसमें 48MP कैमरा सिस्टम दिया गया है। फोन में 8x तक ऑप्टिकल-क्वालिटी जूम मिलता है। सेल्फी और वीडियो कॉल के लिए 18MP Center Stage फ्रंट कैमरा दिया गया है, जो ग्रुप सेल्फी और Dual Capture वीडियो जैसे फीचर्स को सपोर्ट करता है।

 

A19 Pro चिप से लैस है फोन

 

परफॉर्मेंस के लिए iPhone 17 Pro Max में A19 Pro चिप दी गई है। फोन में वेपर-कूलिंग सिस्टम भी मिलता है, जिससे लंबे समय तक इस्तेमाल के दौरान बेहतर परफॉर्मेंस बनाए रखने में मदद मिलती है। बैटरी की बात करें तो फोन में 37 घंटे तक वीडियो प्लेबैक का दावा किया गया है। फास्ट चार्जिंग के जरिए करीब 20 मिनट में 50 प्रतिशत तक चार्ज किया जा सकता है। कनेक्टिविटी के लिए फोन में Wi-Fi 7, 5G और Bluetooth 6 जैसे फीचर्स मिलते हैं।

 

खरीदने से पहले ध्यान दें

Amazon और Flipkart पर दिखाई जा रही कीमतें बैंक ऑफर, एक्सचेंज वैल्यू और उपलब्धता के आधार पर बदल सकती हैं। इसलिए खरीदारी से पहले अंतिम भुगतान राशि और ऑफर की शर्तें जरूर जांच लें। वहीं, iPhone 18 Pro Max के लॉन्च के बाद iPhone 17 Pro Max की कीमत में आगे भी बदलाव देखने को मिल सकता है।

Delhi NCR Weather: दिल्ली-NCR में बदला मौसम, आंधी-तूफान के साथ कई इलाकों में हुई झमाझम बारिश, IMD ने जारी किया रेड अलर्ट

Delhi NCR Weather: दिल्ली-NCR में शुक्रवार को अचानक से तेज आंधी तुफान के साथ गरज-चमक और झमाझम बारिश से तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। ने लोगों को गर्मी से काफी राहत दी। मौसम विभाग ने राजधानी और आसपास के इलाकों में भारी बारिश की आशंका को देखते हुए रेड अलर्ट जारी कर दिया है। जिसके बाद दिल्ली और एनसीआर में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।

मौसम विभाग के मुताबिक, दिल्ली के कई इलाकों के साथ-साथ ग्रेटर नोएडा और गाजियाबाद में भी बारिश हुई है। मौसम विभाग ने कुछ इलाकों में मध्यम से तेज बारिश के साथ भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। वहीं, अगर बारिश की स्थिति लगातार बनती है तो निचले इलाकों में पानी भरने और सड़कों पर यातायात की रफ्तार धीमी पड़ने की संभावना है। हालांकि, राहत की बात यह है कि जन्माष्टमी के चलते स्कूल-कॉलेज और तमाम दफ्तरों में छुट्टी होने के चलते सड़कों पर ट्रैफिक का कम दबाव रहेगा।

IMD के ताजा अपडेट के अनुसार, राजधानी के ज्यादातर हिस्सों में मध्यम बारिश हो सकती है, जबकि कुछ इलाकों में भारी बारिश (50 से 100 मिमी) होने की आशंका है। बारिश के साथ गरज-चमक और बिजली गिरने की भी संभावना जताई गई है। इस दौरान 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं, जिनके झोंकों की रफ्तार 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने की संभावना है।

मौसम विभाग ने लोगों को मौसम संबंधी अपडेट पर नजर रखने और बेहद जरूरी होने पर ही बारिश के दौरान बाहर निकलने की सलाह दी है।

राजस्थान से उत्तर प्रदेश तक भी मौसम विभाग का अलर्ट

मौसम विभाग ने बताया कि उत्तर मध्य प्रदेश और दक्षिणी उत्तर प्रदेश के ऊपर निम्न दबाव का क्षेत्र बना हुआ है। इसके साथ ही मानसून की अक्षीय रेखा भी सक्रिय है, जो श्रीगंगानगर से होते हुए इस निम्न दबाव वाले क्षेत्र तक पहुंच रही है। इन मौसमी सिस्टम का असर उत्तर भारत के कई हिस्सों में देखने को मिल रहा है।

राजस्थान के पूर्वी और दक्षिण-पूर्वी इलाकों में भी भारी से बहुत भारी बारिश होने का अनुमान है। पिछले 24 घंटों के दौरान पूर्वी राजस्थान के कई हिस्सों में अच्छी बारिश दर्ज की गई। सवाई माधोपुर के खंडार में सबसे ज्यादा 130 मिमी बारिश हुई।

इसके अलावा अलवर, भरतपुर, डीग, दौसा, धौलपुर, जयपुर, सीकर, भीलवाड़ा, अजमेर, करौली, टोंक, बारां, कोटा और झालावाड़ में भी हल्की से मध्यम बारिश देखने को मिली।

यह भी पढ़ें: Vande Bharat: 5 सितंबर को चलेगी 16-कोच वाली वंदे भारत, वेस्टर्न घाट से होकर दौड़ेगी ये शानदार हाई-स्पीड ट्रेन, जानिए कितना घटेगा टाइम

Mirzapur The Movie: ‘मिर्जापुर द मूवी’ ने कुछ ही घंटों में 9 करोड़ रुपये का आंकड़ा पार किया, ‘सैयारा’ और ‘आवारापन 2’ का तोड़ सकती है रिकॉर्ड

Mirzapur The Movie: ‘मिर्ज़ापुर द मूवी’ आखिरकार आ गई है। 2018 की पॉपुलर सीरीज़ ‘मिर्ज़ापुर’ पर आधारित यह फ़िल्म 4 सितंबर, 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज़ हुई और इसे देखने के लिए भारी भीड़ उमड़ी। भले ही दिन अभी खत्म नहीं हुआ है, लेकिन बॉक्स ऑफ़िस के आंकड़ों से यह साफ़ पता चलता है। फ़िल्म ने बॉलीवुड की अब तक की सबसे बड़ी ‘नॉन-स्टार-लेड’ (बिना किसी बड़े स्टार वाली) ओपनिंग डे कमाई की है।

इसने दोपहर 3 बजे तक ही 9 करोड़ रुपये का आंकड़ा पार कर लिया। अगर मौजूदा ट्रेंड जारी रहा, तो ‘मिर्ज़ापुर द मूवी’ 25 करोड़ रुपये से ज़्यादा की ओपनिंग की ओर बढ़ रही है। यह हालिया ‘स्लीपर हिट’ फ़िल्मों – ‘सैयारा’ (22 करोड़ रुपये) और ‘आवारापन 2’ (21.50 करोड़ रुपये) – की पहले दिन की कमाई को आसानी से पीछे छोड़ देगी।

‘मिर्ज़ापुर द मूवी’ ने दोपहर 3 बजे तक 9 करोड़ रुपये का आंकड़ा पार किया

‘मिर्ज़ापुर द मूवी’ ने अपनी रिलीज़ के दिन दोपहर 3 बजे तक 9.35 करोड़ रुपये की नेट कमाई की। फ़िल्म की मॉर्निंग शो में लगभग 26 प्रतिशत ऑक्यूपेंसी रही, जो इस स्तर की फ़िल्म के लिए एक अच्छी शुरुआत है। पिछले हफ़्ते, ज़्यादातर ट्रेड एक्सपर्ट्स ने लगभग 18-20 करोड़ रुपये की ओपनिंग का अनुमान लगाया था, लेकिन बाद में उन्होंने अपने अनुमान बढ़ा दिए।

‘मिर्ज़ापुर द मूवी’ हिंदी में रिलीज़ हुई है और इसका तेलुगु डब वर्शन भी आया है। हालांकि, तेलुगु वर्शन को अब तक बहुत खराब रिस्पॉन्स मिला है और इसने ₹10 लाख से भी कम कमाई की है। उम्मीद के मुताबिक, फिल्म की ज़्यादातर कमाई हिंदी वर्शन से हुई है।

फिल्म के बारे में

मिर्ज़ापुर: द मूवी एक एक्शन क्राइम थ्रिलर फिल्म है, जिसका निर्देशन गुरमीत सिंह ने अपनी पहली फीचर फिल्म में किया है। इसे पुनीत कृष्णा ने लिखा है और एक्सेल एंटरटेनमेंट के तहत रितेश सिधवानी और फरहान अख्तर द्वारा निर्मित किया गया है। यह फिल्म अमेज़ॅन प्राइम वीडियो सीरीज मिर्ज़ापुर पर आधारित है।

फिल्म में कलाकारों की टोली है, जिसमें अखंडानंद “कालीन” त्रिपाठी के रूप में पंकज त्रिपाठी, गोविंद “गुड्डू” पंडित के रूप में अली फजल, फूलचंद “मुन्ना” त्रिपाठी के रूप में दिव्येंदु और विनय “बबलू” पंडित के रूप में जितेंद्र कुमार शामिल हैं, जो श्रृंखला से विक्रांत मैसी की जगह लेंगे। रवि किशन ने बब्बन यादव की भूमिका निभाई है, जबकि अभिषेक बनर्जी सुबोध उर्फ ​​”कंपाउंडर” के रूप में दिखाई देते हैं।

रसिका दुग्गल ने बीना त्रिपाठी, कालीन की पत्नी और मुन्ना की सौतेली मां की भूमिका निभाई है और श्वेता त्रिपाठी ने गजगामणि “गोलू” गुप्ता की भूमिका निभाई है। कलाकारों में श्रिया पिलगांवकर के रूप में स्वरागिनी “स्वीटी” गुप्ता, हर्षिता गौड़ के रूप में डिंपी पंडित, सुशांत सिंह के रूप में भैरव सिंह कर्णावत, मोहित मलिक के रूप में बिरजू लोहार, शीबा चड्ढा के रूप में वसुधा पंडित और राजेश तैलंग के रूप में वकील रमाकांत पंडित शामिल हैं। कुलभूषण खरबंदा ने सत्यानंद “बाउजी” त्रिपाठी की भूमिका निभाई है, जबकि शाजी चौधरी ने मकबूल खान की भूमिका निभाई है, अंजुम शर्मा ने शरद शुक्ला की भूमिका निभाई है, सोनल चौहान मुमताज बीबी के रूप में और अनंगशा बिस्वास जरीना के रूप में दिखाई देती हैं।

NSE के आईपीओ को सेबी की हरी झंडी, जानें किस तारीख को लिस्ट होंगे शेयर

NSE के आईपीओ के लिए रास्ता साफ हो गया है। इसे सेबी की हरी झंडी मिल गई है। मार्केट रेगुलेटर ने 4 सितंबर को एनएसई को ऑब्जर्वेशन लेटर इश्यू कर दिया। इस इश्यू का इनवेस्टर्स को लंबे समय से इंतजार रहा है। यह अब तक का सबसे बड़ा आईपीओ होगा।

जून में फाइल किया था DRHP

NSE ने सेबी के पास 17 जून, 2026 को ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (DRHP) फाइल किया था। करीब एक दशक पहले एनएसई ने आईपीओ पेश करने की कोशिश की थी। लेकिन, रेगुलेटरी मसलों की वजह से इश्यू को मंजूरी नहीं मिल सकी थी। अब ऑब्जर्वेशन लेटर मिल जाने के बाद एनएसई का आईपीओ अंतिम चरण में प्रवेश कर गया है।

11 सितंबर को प्राइस बैंड का ऐलान 

एनएसई इस महीने के आखिर में आईपीओ लॉन्च कर सकता है। एक्सचेंज के शेयर BSE पर लिस्ट होंगे। बाजार के सूत्रों ने बताया है कि आरएचपी फाइलिंग 8 सितंबर यानी मंगलवार को हो सकती है। प्राइस बैंड का ऐलान 11 सितंबर को हो सकता है। एक हफ्ते बाद इश्यू बाजार में आ सकता है। शेयरों की लिस्टिंग 25 सितंबर को हो सकती है।

यह इश्यू पूरी तरह से OFS होगा

सूत्रों ने बताया कि अभी एनएसई की तरफ से इश्यू से जुड़े अहम डेट्स का ऐलान नहीं किया गया है। इस बारे में अभी एक्सचेंज मर्चेंट बैंकर्स से चर्चा कर रहा है। यह ध्यान में रखना जरूरी है कि यह इश्यू पूरी तरह ऑफर फॉर सेल (OFS) होगा। इसका मतलब है कि इस इश्यू में एक्सचेंज नए शेयर इश्यू नहीं करेगा।

आईपीओ में 14.89 करोड़ शेयर बिकेंगे

एक्सचेंज के आईपीओ में 14.89 करोड़ शेयरों की बिक्री होगी, जो एनएसई के पेड-अप कैपिटल का करीब 6 फीसदी है। चूंकि, एक्सचेंज इस इश्यू में नए शेयर इश्यू नहीं करेगा, जिससे उसे आईपीओ से कोई पैसा नहीं मिलेगा। अनलिस्टेड मार्केट में एनएसई की वैल्यूएशन के आधार पर यह आईपीओ करीब 30,000 करोड़ रुपये का हो सकता है।

देश का सबसे बड़ा आईपीओ होगा 

यह अब तक का सबसे बड़ा आईपीओ होगा। इससे पहले ह्युंडई मोटर इंडिया ने 2024 में 27,870 करोड़ का आईपीओ पेश किया था, जो देश का सबसे बड़ा आईपीओ था। एनएसई के आईपीओ से यह रिकॉर्ड टूट जाएगा। हालांकि, एनएसई ने अभी आईपीओ के फाइनल साइज का ऐलान नहीं किया है।

यह भी पढ़ें: Rentomojo IPO 9 सितंबर से, ₹384-₹404 रहेगा प्राइस बैंड; ग्रे मार्केट में अभी से चढ़ा शेयर

एसबीआई ग्रुप बेच रहा सबसे ज्यादा शेयर 

इस आईपीओ में सबसे ज्यादा शेयर एसबीआई ग्रुप बेच रहा है। एनएसई का मुकाबला बीएसई से है। बीएसई न सिर्फ भारत बल्कि एशिया का सबसे पुराना एक्सचेंज है। लेकिन, कैश और डेरिवेटिव के ट्रेडिंग वॉल्यूम के मामले में यह एनएसई से काफी पीछे है। BSE का शेयर 4 सितंबर को 3.17 फीसदी गिरकर 3,411 रुपये पर बंद हुआ। यह शेयर इस साल करीब 30 फीसदी चढ़ा है।

पाकिस्तान का 100 साल पुराना हिंदू मंदिर गिराने से इंकार:कहा- बारिश की वजह से टूटा; आरोप- मदरसा बनाने के लिए मंदिर तोड़ा

पाकिस्तान ने पंजाब प्रांत में करीब 100 साल पुराने हिंदू मंदिर गिराए जाने की खबरों को गलत बताया है। उसका कहना है कि 21 जुलाई को भारी बारिश के कारण मंदिर क्षतिग्रस्त होकर गिर गया था। वहीं, स्थानीय लोगों और हिंदू समुदाय के प्रतिनिधियों का आरोप है कि मंदिर को जानबूझकर गिराया गया और उसकी जमीन पास के मदरसे के लिए इस्तेमाल करने की कोशिश की गई। दूसरी ओर, रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि मंदिर की इमारत को 21 अगस्त को गिराया गया। दोनों तारीखों के बीच करीब एक महीने का अंतर है। इसी वजह से मंदिर गिराए जाने की घटना को लेकर सवाल उठ रहे हैं। TLP पर मंदिर गिराने के आरोप पाकिस्तान मसिहा मिल्लत पार्टी (PMMP), स्थानीय लोगों और हिंदू समुदाय ने आरोप लगाया था कि मंदिर को स्थानीय मुस्लिम समुदाय के कुछ लोगों ने गिराया। इन लोगों ने इस मामले में तहरीक-ए-लब्बैक पाकिस्तान (TLP) से जुड़े लोगों की भूमिका होने का भी आरोप लगाया है। TLP पाकिस्तान का एक कट्टरपंथी इस्लामी संगठन है, जिस पर वहां प्रतिबंध लगा हुआ है। भारत ने मंदिर गिराए जाने की निंदा की मामला सामने आने के बाद भारत के विदेश मंत्रालय ने 2 सितंबर को इसकी निंदा की थी। भारत ने कहा था कि मंदिर की सुरक्षा के लिए स्थानीय अधिकारियों ने समय पर कार्रवाई नहीं की, जो चिंता की बात है। विदेश मंत्रालय ने कहा था कि यह घटना पाकिस्तान में अल्पसंख्यकों की सुरक्षा की स्थिति पर सवाल खड़े करती है। भारत ने पाकिस्तान से मंदिर गिराने के लिए जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई करने और मंदिर को फिर से ठीक कराने की मांग की थी। पाकिस्तान बोला- तथ्यों को तोड़-मरोड़कर पेश किया भारत के बयान के बाद पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने प्रतिक्रिया दी। पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता सज्जाद हैदर खान ने भारत के आरोपों को झूठा और राजनीतिक मकसद से लगाया गया बताया। उन्होंने कहा कि भारत इस मामले में तथ्यों को तोड़-मरोड़कर पेश कर रहा है। खान ने पाकिस्तान के स्थानीय एवैक्यूई ट्रस्ट प्रॉपर्टी बोर्ड के अधिकारियों के हवाले से कहा कि मंदिर की इमारत भारी बारिश के कारण क्षतिग्रस्त हुई थी। मंदिर की मरम्मत करवाएगा पाकिस्तान पाकिस्तान का यह भी दावा है कि स्थानीय अधिकारियों ने मंदिर को हुए नुकसान का सर्वे किया है और मंदिर को दोबारा ठीक करने के लिए कदम शुरू कर दिए गए हैं। ————————- यह भी पढ़ें… PAK ग्रूमिंग गैंग ने लंदन में सिख युवती को फंसाया: ब्रेनवॉश किया, नितनेम-गुरुद्वारा जाना छोड़ा इंग्लैंड (UK) में पंजाबी युवती पाकिस्तानी ग्रूमिंग गैंग के चंगुल में फंस गई। पूरी खबर पढ़ें…

Krishna Janmotsav 2026: आज आधी रात में पधारेंगे मुरलीधर श्याम, जानें आज निशिता काल पूजा विधि, महत्व और पारण का सही समय

Krishna Janmotsav 2026: आज भाद्रपद माह की कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि है और आज के दिन ही द्वापर युग में देवकी और वासुदेव के आठवें पुत्र श्रीकृष्ण के रूप में भगवान विष्णु ने अवतार लिया था। इसलिए हर साल इस दिन भगवान कृष्ण का जन्मोत्सव मनाया जाता है। इस दिन मध्यरात्रि में भक्त वत्सल मनमोहन श्याम अपने लाखों करोड़ों भक्तों के बीच जन्म लेते हैं। निशिता काल में जब यह पल आता है, तब शंख और घंटों की आवाज और कृष्ण कन्हैया लाल की जय के साथ भगवान के अवतरण का उत्सव मनाया जाता है।

इस साल 4 सितंबर 2026, शुक्रवार को भगवान श्रीकृष्ण का 5253वीं जन्मोत्सव मनाया जा रहा है। बहुत से भक्त आज के दिन व्रत करते हैं, घर और मंदिर में भगवान कृष्ण के जन्म और लीलाओं की झाकियां सजाते हैं। आइए कृष्ण जन्माष्टमी पर जानते हैं तिथि, समय, महत्व, पूजा विधि, नियम, व्रत के प्रकार और पारण का समय।

जन्माष्टमी 2026: मध्यरात्रि निशिता काल पूजा विधि

  • भगवान कृष्ण की मूर्ति को धोकर साफ चौकी पर एक नया या साफ कपड़ा बिछाएं।
  • इसके बाद फलों, मोर पंख, तुलसी के पत्तों और पालकी को सजाएं।
  • भगवान कृष्ण की लड्डू गोपाल मूर्ति को पंचामृत से स्नान कराएं। इसके बाद साफ जल और आखिर में गंगाजल की कुछ बूंदें डालें।
  • मूर्ति को साफ कपड़े से सुखाएं, इसके बाद नए कपड़े पहनाएं, आभूषण लगाएं, मुकुट में मोर पंख और हाथ में बांसुरी दें। चंदन और रोली का तिलक और अक्षत लगाएं।
  • इसके बाद भगवान कृष्ण को पंजीरी, तुलसी पत्ते, फल-फूल, माखन-मिश्री और पंचमेवा का भोग अर्पित करें।
  • इसके बाद भगवान कृष्ण को पालने में बिठाएं और ‘नंद के घर आनंद भयो, जय कन्हैया लाल’ की गीत गाते हुए धीरे से झुलाएं।
  • इसके बाद भगवान श्रीकृष्ण से जुड़ा मंत्र ‘ऊं’ नमो भगवते वासुदेवाय नम: मंत्र का जाप करें। संभव हो तो कृष्ण अष्टकम का जाप करें।
  • भगवान कृष्ण की जन्म घोषणा करने के लिए शंख बजाएं फिर घी के दीये और कपूर से आरती करें। प्रसाद और चरणामृत सभी में बांटें।
  • पारण व्रत से जुड़े नियम

कई भक्त जाने-अनजाने में आधी रात की आरती के फौरन बाद ही व्रत तोड़ देते हैं। जबकि जन्माष्टमी व्रत का पारणा अष्टमी तिथि और रोहिणी नक्षत्र दोनों के समाप्त होने के बाद ही किया जाता है।

अष्टमी तिथि 5 सितंबर को सुबह 11 बजकर 23 मिनट तक रहेगा, इसलिए सही मायने में पारण शनिवार की सुबह ही करनी चाहिए।

जन्माष्टमी पूजा सामग्री

दूध, दही, शुद्ध देसी घी, शहद, चीनी, तिलक के लिए रोली और चंदन पाउडर, अक्षत (साबुत चावल) मौली या कलावा, अभिषेक करने के लिए तांबे का लोटा, शंख, आरती के लिए भीमसेनी कपूर और सूती बत्तियां, भोग के लिए पंचमेवा, माखन-मिश्री और धनिया पंजीरी आरती की थाली, घी का दीया, अगरबत्ती, तुलसी पत्ता, मोर पंख, बांसुरी, मूर्ति के लिए वस्त्र।

Krishna Janmashtami 2026: क्यों आधी रात को हुआ था श्रीकृष्ण का जन्म, जानें उनके जन्म समय के पीछे छिपा पूरा रहस्य