Stock Market Live Update: गिफ्ट निफ्टी दे रहा सुस्त शुरुआत के संकेत, क्रूड में नरमी क्या बदलेगा बाजार की चाल

Stock Market Live Update: आज इस छोटे हफ़्ते का आखिरी ट्रेडिंग सेशन है और निफ़्टी 50 के लिए यह हफ़्ता भी कुछ खास नहीं रहा। इंडेक्स लगातार आठवें हफ़्ते गिरावट की ओर बढ़ रहा है। आज सेंसेक्स कॉन्ट्रैक्ट्स की वीकली एक्सपायरी भी है। निफ़्टी में हफ़्ते के तीनों दिन गिरावट आई है और इंडेक्स अब इस हफ़्ते के निचले स्तर 22,569 को बनाए रखने के लिए संघर्ष कर रहा है। ऊपर की तरफ़, 22,800 – 22,750 के ज़ोन में सप्लाई बनी हुई है।

ऐसे में भारतीय शेयर बाज़ार में सुस्त शुरुआत देखने को मिल सकती है, क्योंकि GIFT निफ़्टी ने गुरुवार, 1 अक्टूबर को फ़्लैट ओपनिंग का संकेत दिया है। गिफ्ट निफ्टी 22,629 के लेवल के आसपास ट्रेड कर रहा था, जो निफ्टी फ्यूचर्स की पिछली क्लोजिंग से लगभग 30 अंक नीचे है। इससे भारतीय शेयर बाजार के इंडेक्स में सुस्त शुरुआत के संकेत मिल रहे हैं

हफ़्ते का आखिरी दिन नए महीने और नई तिमाही का पहला दिन भी है। गुज़री तिमाही के लिए कंपनियों की ओर से बिज़नेस अपडेट्स आने शुरू हो जाएंगे। साथ ही, सितंबर के ऑटो सेल्स के आंकड़े भी जारी किए जाएंगे और उम्मीद है कि ऑटो कंपनियों के लिए यह तिमाही भी मज़बूत रहेगी।

Stock Market Live Update: गिफ्ट निफ्टी दे रहा फ्लैट शुरुआत के संकेत, एशिया बाजारों में तेजी

Stock Market Live Update: बुधवार, 30 सितंबर, 2026 को GIFT निफ्टी ने नेगेटिव ओपनिंग का संकेत दिया है, जिससे भारतीय शेयर बाज़ार में सुस्त शुरुआत होने की संभावना है।इस बीच, बुधवार को एशियाई बाज़ार बढ़त के साथ खुले, जबकि मंगलवार को अमेरिकी स्टॉक फ्यूचर्स लगातार दूसरे दिन गिरावट के साथ बंद हुए। GIFT निफ्टी 22,800 के स्तर के आसपास ट्रेड कर रहा था, जो निफ्टी फ्यूचर्स की पिछली क्लोजिंग से लगभग 29 अंक नीचे है; इससे भारतीय शेयर बाज़ार के इंडेक्स में सुस्त शुरुआत का संकेत मिलता है।

पिछले सेशन में इक्विटी मार्केट गिरावट के साथ बंद हुआ था, जिसमें बेंचमार्क निफ्टी 50 दिन के दौरान 22,600 से नीचे आ गया था। सेंसेक्स 242.65 पॉइंट या 0.33% गिरकर 72,529.07 पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी 50 64.05 पॉइंट या 0.28% गिरकर 22,716.20 पर बंद हुआ।

बाजार पर मैक्रो का ट्रिपल अटैक!क्या बचेगा निफ्टी का 52-हफ्ते का निचला स्तर? जानें गिफ्ट निफ्टी से क्या दे रहा संकेत

Gift Nifty Indicator: मंगलवार को भारतीय बेंचमार्क इंडेक्स सेंसेक्स और निफ्टी के सपाट या सतर्क रुख के साथ खुलने की संभावना है। पिछले सेशन में हुई भारी बिकवाली के बाद GIFT निफ्टी में बहुत कम हलचल दिख रही है। कच्चे तेल की बढ़ती कीमतें, US ट्रेजरी यील्ड में बढ़ोतरी, FII की लगातार बिकवाली, जियोपॉलिटिकल अनिश्चितताएं और कमजोर ग्लोबल इक्विटी मार्केट का सेंटीमेंट पर असर पड़ रहा है।

सुबह 7:45 बजे GIFT निफ्टी 5 अंक या 0.02 फीसदी गिरकर 22,819 पर ट्रेड कर रहा था। सोमवार को भारतीय इक्विटी मार्केट में भारी गिरावट देखी गई। सेंसेक्स 1,124.02 अंक या 1.52 प्रतिशत गिरकर 72,771.72 पर आ गया, जबकि निफ्टी 360.25 अंक या 1.56 प्रतिशत गिरकर 22,780.25 पर बंद हुआ।

भारतीय इक्विटी मार्केट के लिए बाहरी माहौल चुनौतीपूर्ण बना हुआ है। ब्रेंट क्रूड की कीमत $106 प्रति बैरल से ऊपर चली गई क्योंकि US-ईरान शांति प्रयासों में जल्द किसी समाधान की उम्मीद कम हो गई है। वहीं, एशियाई इक्विटी मार्केट में गिरावट आई और US स्टॉक-इंडेक्स फ्यूचर्स भी नीचे ट्रेड कर रहे थे। वॉल स्ट्रीट भी रात भर भारी गिरावट के साथ बंद हुआ क्योंकि तेल की ऊंची कीमतों और ट्रेजरी यील्ड ने महंगाई और फेडरल रिजर्व की ब्याज दर की चाल को लेकर चिंताएं बढ़ा दीं।

विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) की बिकवाली एक बड़ी बाधा बनी रही। FII लगातार तीसरे सेशन में नेट सेलर रहे और 28 सितंबर को 5,300 करोड़ रुपये से अधिक की इक्विटी बेची। DII ने इस आउटफ्लो को संतुलित करते हुए लगभग 5,189 करोड़ रुपये की इक्विटी खरीदी।

तेल और बॉन्ड यील्ड के दबाव से एशियाई बाजारों में गिरावट

मंगलवार को एशियाई इक्विटी मार्केट में गिरावट देखी गई क्योंकि तेल की बढ़ती कीमतों और फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरें और बढ़ाने की बढ़ती उम्मीदों ने ट्रेजरी यील्ड को कई सालों के उच्चतम स्तर पर पहुंचा दिया। MSCI का एशिया-पैसिफिक इक्विटी इंडेक्स 0.5 प्रतिशत गिर गया, जिसमें जापानी और दक्षिण कोरियाई शेयरों में गिरावट देखी गई। हांगकांग का हैंग सेंग 0.4 प्रतिशत गिर गया, जबकि शंघाई कंपोजिट में बहुत कम बदलाव हुआ। ऑस्ट्रेलियाई इक्विटी मार्केट भी मोटे तौर पर सपाट रहा। US इक्विटी फ्यूचर्स में सुस्ती रही; Nasdaq 100 फ्यूचर्स 0.3 प्रतिशत और S&P 500 फ्यूचर्स 0.1 प्रतिशत नीचे रहे।

ब्रेंट क्रूड $106 के पार पहुंचा

मंगलवार को लगातार दूसरे सेशन में तेल की कीमतों में बढ़ोतरी हुई। मिडिल ईस्ट में सप्लाई में रुकावट की चिंताएं, उस क्षेत्र से क्रूड एक्सपोर्ट में सुधार के संकेतों पर भारी पड़ीं। ब्रेंट क्रूड 1.6 प्रतिशत बढ़कर $106.93 प्रति बैरल हो गया, जबकि वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट 1.3 प्रतिशत बढ़कर $93.80 पर पहुंच गया।

US-ईरान विवाद में जल्द ही किसी डिप्लोमैटिक समाधान की उम्मीद कम हो गई है। एनरिच मनी के CEO पोनमुडी आर ने कहा कि बातचीत को लेकर काफी अनिश्चितता बनी हुई है, जिससे स्ट्रेट ऑफ़ होर्मुज़ के ज़रिए सप्लाई में संभावित रुकावट की चिंताएं बनी हुई हैं।

इंडेक्स पर क्या हो रणनीति

चॉइस इक्विटी ब्रोकिंग प्राइवेट लिमिटेड के टेक्निकल रिसर्च VP सचिन गुप्ता ने कहा, “तुरंत सपोर्ट 72,300–72,500 पर है, जबकि 72,900–73,000 मुख्य रेजिस्टेंस ज़ोन के तौर पर काम कर सकता है। ब्रॉडर ट्रेडिंग रेंज 72,300–73,000 है, और कुल मिलाकर रुख साइडवेज से लेकर मंदी (बेयरिश) वाला है। शॉर्ट-टर्म स्ट्रक्चर में कुछ स्थिरता लाने के लिए 73,000 के ऊपर लगातार रिकवरी की ज़रूरत होगी। कुल मिलाकर, इंडेक्स साइडवेज से लेकर मंदी वाला बना हुआ है, और जब तक मज़बूत रिबाउंड नहीं दिखता, ट्रेडर्स को सावधान रहना चाहिए। 72,900–73,000 के ऊपर लगातार बढ़त कुछ राहत दे सकती है, जबकि 72,300 के नीचे जाने पर गिरावट का दौर और बढ़ सकता है।”

एनरिच मनी के CEO पोनमुडी आर ने कहा, “भारतीय इक्विटी मार्केट पर दबाव बने रहने की उम्मीद है क्योंकि कच्चे तेल की ऊंची कीमतें और U.S.-ईरान संघर्ष को लेकर लगातार अनिश्चितता मार्केट के सेंटीमेंट पर असर डाल रही है। U.S. प्रेसिडेंट डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि U.S. इस संघर्ष में ‘बहुत जल्द’ जीत हासिल करेगा, जबकि अधिकारी संघर्ष को खत्म करने के लिए मध्यस्थों से बातचीत कर रहे हैं। हालांकि, बातचीत को लेकर काफी अनिश्चितता बनी हुई है, जिससे होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) के ज़रिए संभावित सप्लाई में रुकावट की चिंताएं बनी हुई हैं।”

Stock Market Live Update: गिफ्ट निफ्टी दे रहा संकेत, फ्लैट हो सकती है भारतीय बाजार की शुरुआत

(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Stock Market Today : बाजार पर आज इन खबरों का दिखेगा असर, कोई ट्रेड लेने से पहले इन पर डाल लें एक नजर

Market news : मंथली एक्सपायरी के दिन बाजार के लिए कमजोर संकेत मिल रहे हैं। गिफ्ट निफ्टी बिल्कुल फ्लैट नजर आ रहा है। एशियाई बाजारों में दबाव दिख रहा है। 10 साल की US बॉन्ड यील्ड 5.25% तक उछलने से अमेरिकी बाजार के सेंटिमेंट भी बिगड़े हैं। इधर कच्चा तेल भी 105 डॉलर के ऊपर कायम है। यहां हम आपके लिए तमाम समाचार प्लेटफॉर्मों पर चल रही आज की ऐसी अहम खबरों की एक सूची जारी कर रहें हैं जो भारतीय और अंतर्राष्ट्रीय बाजारों को प्रभावित कर सकते हैं।

मार्केट ओवरव्यू

कल भारतीय बेंचमार्क इंडेक्स ने हफ्ते की शुरुआत कमजोरी के साथ की। भारी बिकवाली के बीच निफ्टी इंट्राडे में 22,800 के नीचे फिसल गया,जिससे लगातार सातवें हफ्ते भी गिरावट का सिलसिला जारी रहा।

जैसे-जैसे ट्रेडिंग आगे बढ़ी,बिकवाली का दबाव और बढ़ गया। निफ्टी छह महीने के निचले स्तर के करीब पहुंच गया। कमजोर ग्लोबल संकेत,कच्चे तेल की बढ़ती कीमतें और बॉन्ड यील्ड,FII की लगातार बिकवाली और US-Iran शांति वार्ता में गतिरोध के बाद बढ़ी हुई जियोपॉलिटिकल अनिश्चितता बाजार पर दबाव बनाने वाली मुख्य वजहें रहीं। कारोबार के अंत में सेंसेक्स 1,124.02 अंक या 1.52 प्रतिशत गिरकर 72,771.72 पर और निफ्टी 360.25 अंक या 1.56 प्रतिशत गिरकर 22,780.25 पर बंद हुआ।

गिफ्ट निफ्टी

शुरुआती कारोबार में GIFT निफ्टी 22,834 के आसपास सपाट ट्रेड कर रहा था,जिससे घरेलू इक्विटी मार्केट में सुस्त शुरुआत के संकेत मिल रहे हैं।

एशियाई बाजार

मंगलवार को शुरुआती कारोबार में एशियाई बाजार गिरावट के साथ खुले। जापान का निक्केई 1 प्रतिशत और टॉपिक्स इंडेक्स 1.68 प्रतिशत नीचे था। वहीं, कोस्पी में 0.56 फीसदी की और ताइवान के बाजार में 0.06 फीसदी की गिरावट नजर आ रही थी।

अमेरिकी बाजार

सोमवार को अमेरिकी शेयर बाजारों में गिरावट आई। तेल की कीमतें और ट्रेजरी यील्ड में बढ़त ने बाजार पर दबाव बनाया। निवेशक ईरान युद्ध से जुड़ी शांति वार्ता की संभावनाओं और फेडरल रिजर्व की ब्याज दरों की चाल पर नजरे बनाए हुए हैं।

डाओ जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज 347.11 अंक या 0.67% गिरकर 51,481.51 पर आ गया,S&P 500 में 59.72 अंक या 0.77% की गिरावट के साथ यह 7,683.69 पर बंद हुआ और नैस्डैक कम्पोजिट 248.34 अंक या 0.92% गिरकर 26,820.38 पर आ गया। S&P में आई यह गिरावट 20 अगस्त के बाद से एक दिन में प्रतिशत के हिसाब से सबसे बड़ी गिरावट थी।

Stock Market Live Update: गिफ्ट निफ्टी दे रहा संकेत, फ्लैट हो सकती है भारतीय बाजार की शुरुआत

एशियन करेंसी

अमेरिकी डॉलर के मुकाबले एशियाई करेंसीज में मिला-जुला कारोबार होता दिख रहा है। इसमें इंडोनेशियाई रुपिया और थाई बहत में गिरावट दिख रही है,जबकि फिलीपीन्स के पेसो और मलेशियाई रिंगित में बढ़त हुई है। इंडोनेशियाई रुपिया 0.42% गिरा है। जबकि थाई बहत में 0.09% और ताइवान डॉलर में 0.11% की गिरावट आई है। सिंगापुर डॉलर 0.05% कमजोर हुआ है,जबकि दक्षिण कोरियाई वॉन मामूली गिरावट (0.04%) के साथ लगभग सपाट दिख रहा है।

दूसरी ओर फिलीपीन पेसो में 0.22% की बढ़त नजर आई है। इसके बाद मलेशियाई रिंगित में 0.07% और जापानी येन में 0.05% की बढ़ोतरी हुई है। चीनी रेनमिनबी में 0.02% की बढ़त हुई है।

सोना $4200 के नीचे

मजबूत डॉलर और US में अगले 1 साल में 3 रेट हाइक की आशंका से सोने-चांदी में तेज गिरावट आई है और यह $4200 के नीचे फिसल गया है। वहीं, चांदी $61 के नीचे आ गई है। US में अक्टूबर में दरें बढ़ने की 70% संभावना है।

ईरान को प्रतिबंधों में ढील की खबर फर्जी: ट्रंप

ईरान को प्रतिबंधों में ढील और फ्रीज किए गए फंडों को रिलीज करने की खबरों को ट्रंप ने खारिज करते हुए कहा है कि Axios की खबर फर्जी और कोरी अफवाह हैं। इधर ईरान ने नवंबर में US चुनाव के बाद युद्ध और भड़कने की आशंका जताई है।

टाटा संस की लिस्टिंग टालने के लिए बड़ा कदम

टाटा संस की लिस्टिंग टालने के लिए टाटा ट्रस्ट का बड़ा कदम सामने आया है। Tata Electronics, Tata Consulting Engineers का टाटा संस में मर्जर का प्रस्ताव रखा गया है। इसके कंपनी के NBFC और CIC कैटेगरी से बाहर निकलने में मदद मिलेगी। ट्रस्ट ने कहा है कि रीस्ट्रक्चरिंग शेयरहोल्डर्स के हित में होगी।

कल निफ्टी में होगा बड़ा बदलाव

कल निफ्टी में बड़ा बदलाव होगा। करीब 3 दशक बाद विप्रो निफ्टी से बाहर होगा। वहीं, BSE इसमें शामिल होगा। BSE में 650 मिलियन डॉलर का इनफ्लो हो सकता है। वहीं, विप्रो से करीब 200 मिलियन डॉलर निकलेंगे।

होनासा कंज्यूमर में ब्लॉक डील संभव, Cube Highways Trust में भी बड़े सौदे संभव

आज ब्लॉक डील्स पर नजर रहेगी । सूत्रों के मुताबिक 2.73 परसेंट हिस्से के लिए होनासा कंज्यूमर में 400 Cr रुपए की ब्लॉक डील संभव है। करीब साढ़े 3 परसेंट डिस्काउंट पर 450 रुपए प्रति शेयर फ्लोर प्राइस तय की गई है। साथ ही Cube Highways Trust में भी करीब पौने 700 करोड़ के बड़े सौदे हो सकते हैं।

कोफोर्ज: अखिल कुमार गुप्ता बने नए चेयरमैन

कोफोर्ज आज फोकस में होगा। अखिल कुमार गुप्ता नए चेयरमैन बने हैं। ये ओपी भट्ट के पद छोड़ने के बाद जिम्मेदारी संभालेंगे। इनका कार्यकाल 5 साल का होगा।

अगस्त IIP ग्रोथ 7.4% से बढ़कर 8%

देश के इंडस्ट्रियल प्रोडक्शन में तेजी आई है। अगस्त में IIP ग्रोथ 7.4% से बढ़कर 8% रही है। जुलाई IIP ग्रोथ 6.7% से रिवाइज होकर 7.4% हो गई है। मैन्युफैक्चरिंग,इलेक्ट्रिसिटी और इंटरमीडिएट गुड्स ग्रोथ में तेजी देखने को मिली है।

विदेशी निवेशकों की बिकवाली जारी

28 सितंबर को विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) ने लगातार तीसरे सेशन में भी बिकवाली जारी रखी और 5,300 करोड़ रुपये से ज़्यादा के शेयर बेचे। वहीं,घरेलू संस्थागत निवेशकों (DIIs) ने बाजार को सहारा देना जारी रखा और इस सेशन के दौरान लगभग 5,189 करोड़ रुपये की खरीदारी के साथ वे नेट बायर बने रहे।

डॉलर, क्रूड, बॉन्ड यील्ड से सहमा बाजार! क्या बाजार बचा पाएगा 22800 का स्तर? जानें गिफ्ट निफ्टी क्या दे रहा संकेत

Gift Nifty Indicator: पिछले सेशन में भारी बिकवाली के बाद, शुक्रवार को भारतीय बेंचमार्क इंडेक्स सेंसेक्स और निफ्टी के लगभग सपाट खुलने की उम्मीद है। GIFT निफ्टी में बहुत कम हलचल दिख रही है, जबकि US ट्रेजरी यील्ड और कच्चे तेल की ऊंची कीमतें बाजार की धारणा पर दबाव बनाए हुए हैं। हालांकि की कीमतों में मामूली गिरावट और वॉल स्ट्रीट पर रात भर का स्थिर सेशन कुछ राहत दे सकता है, लेकिन विदेशी संस्थागत निवेशकों की भारी बिकवाली घरेलू बाजार के लिए एक बड़ी चुनौती बनी हुई है।

सुबह करीब 8 बजे GIFT निफ्टी 23,092 पर ट्रेड कर रहा था, जो 5 अंक या 0.02 फीसदी नीचे था। कमजोर ग्लोबल संकेतों, कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों और US बॉन्ड यील्ड में लगातार बढ़ोतरी के बीच गुरुवार को भारतीय इक्विटी बाजारों में भारी गिरावट आई। सेंसेक्स 1,247.71 अंक या 1.67 प्रतिशत गिरकर 73,580.54 पर आ गया, जबकि निफ्टी 383.70 अंक या 1.64 प्रतिशत गिरकर 23,063.10 पर बंद हुआ, जिससे मनोवैज्ञानिक रूप से महत्वपूर्ण 23,000 का स्तर चर्चा का विषय बन गया है।

बॉन्ड की बिकवाली ,एशियाई बाजारों में मिला-जुला रुख

शुक्रवार को एशियाई बाजारों में मिला-जुला रुख रहा क्योंकि निवेशक लगातार हो रही ग्लोबल बॉन्ड बिकवाली से जूझ रहे थे। इस बिकवाली ने लंबी अवधि की US यील्ड को दो दशक के उच्चतम स्तर पर पहुंचा दिया है और सभी बाजारों में कर्ज लेने की लागत बढ़ा दी है। ग्लोबल बॉन्ड यील्ड में तेज बढ़ोतरी ने इक्विटी वैल्यूएशन को लेकर चिंताएं बढ़ा दी हैं, खासकर इसलिए क्योंकि 100 डॉलर से ऊपर कच्चे तेल की कीमतें महंगाई को ऊंचा रखने और US फेडरल रिजर्व द्वारा और मौद्रिक सख्ती की उम्मीदों को मजबूत करने का खतरा पैदा कर रही हैं।

जापान को छोड़कर एशिया-पैसिफिक शेयरों का MSCI का सबसे बड़ा इंडेक्स मोटे तौर पर सपाट रहा, हालांकि चीन, ताइवान और दक्षिण कोरिया के बाजार छुट्टियों के कारण बंद होने से ट्रेडिंग कम रही। जापान के निक्केई में 1 फीसदी की बढ़त हुई, जबकि हांगकांग के हैंग सेंग में 1 प्रतिशत की गिरावट आई। ऑस्ट्रेलिया के रिसोर्स-हैवी बाजार में 0.6 प्रतिशत की गिरावट आई।

इंडेक्स पर क्या हो रणनीति

एनरिच मनी के CEO पोनमुडी आर ने कहा कि US 10-वर्षीय ट्रेजरी यील्ड 5.20 प्रतिशत से ऊपर चली गई है और कई वर्षों के उच्चतम स्तर के करीब बनी हुई है, जिससे ग्लोबल वित्तीय स्थितियां सख्त हो रही हैं और उभरते बाजारों की इक्विटी का आकर्षण कम हो रहा है।

पोन्नमुडी का अनुमान है कि निफ्टी के लिए 23,200-23,300 का स्तर तुरंत रेजिस्टेंस ज़ोन का काम करेगा, जबकि 23,000 का स्तर अहम साइकोलॉजिकल सपोर्ट बना रहेगा। अगर निफ्टी 23,000 के नीचे निर्णायक रूप से टूटता है, तो गिरावट 22,900-22,800 तक बढ़ सकती है; वहीं, अगर यह 23,300 के ऊपर लगातार बंद होता है, तो 23,400-23,500 की ओर राहत भरी चाल (रिलीफ मूव) देखने को मिल सकती है।

चॉइस इक्विटी ब्रोकिंग के टेक्निकल रिसर्च VP सचिन गुप्ता ने कहा कि हाल ही में एक अहम सपोर्ट ज़ोन से नीचे गिरने के बाद, सेंसेक्स पर कुछ समय तक दबाव बना रह सकता है, क्योंकि टेक्निकल इंडिकेटर कमज़ोर मोमेंटम की ओर इशारा कर रहे हैं। हालांकि, इंडेक्स ‘ओवरसोल्ड’ ज़ोन के करीब पहुंच रहा है, जिससे 73,000-73,250 का दायरा यह तय करने के लिए अहम हो गया है कि मौजूदा कमज़ोरी और बढ़ेगी या स्थिर होगी।

“हालात को और बिगड़ने से रोकने के लिए 73,000–73,250 का दायरा अहम होगा, जबकि 73,850–74,000 का स्तर तुरंत रुकावट का काम कर सकता है। अगर यह 74,000 के ऊपर लगातार बना रहता है तो कुछ राहत मिल सकती है, लेकिन अगर यह 73,000 के नीचे निर्णायक रूप से टूटता है तो मौजूदा कमज़ोरी और बढ़ सकती है।”

Stock Market Live Update: गिफ्ट निफ्टी दे रहा संकेत, फ्लैट हो सकती है भारतीय बाजार की शुरुआत

(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Global Market :एशिया बाजारों में मिला-जुला कारोबार, जापान 1% ऊपर, क्रूड के साथ US बॉन्ड यील्ड की टेंशन कायम

Asian Market Today: ग्लोबल संकेत कमजोर से मिले-जुले रहे। शुरुआती कारोबार में एशियाई बाजार मिले-जुले रहे। निवेशक ट्रंप-शी की बैठक, अमेरिका-ईरान के बीच जारी तनाव, तेल की ऊंची कीमतों और ग्लोबल बॉन्ड की बिकवाली पर करीबी नजर बनाए हुए हैं।

वॉल स्ट्रीट में बॉन्ड की भारी बिकवाली के दबाव के बावजूद, शुरुआती कारोबार में इस क्षेत्र के शेयरों में 0.2% से ज़्यादा की बढ़त हुई। हैंग सेंग फ्यूचर्स 0.3% गिर गया, जबकि जापान का निक्केई 1.05% चढ़ा और टोपिक्स में 1.15% की बढ़त हुई। दक्षिण कोरिया का कोस्पी लगातार दूसरे दिन ‘चूसोक’ (Chuseok) त्योहार के कारण बंद रहा। ताइवान का इंडेक्स और चीनी बाज़ार भी ‘मिड-ऑटम’ त्योहारों के कारण बंद रहे।

जापानी येन डॉलर के मुकाबले 158.78 पर काफी हद तक स्थिर रहा, और ऑफशोर युआन 6.7162 पर सपाट रहा।

इस बीच भारतीय बाजारों में हल्की शुरुआत के संकेत मिले, जिसमें GIFT निफ्टी ने नेगेटिव ज़ोन में शुरुआत का संकेत दिया। यह गुरुवार के खराब सत्र के बाद हुआ, जब निफ्टी 7 अप्रैल, 2026 के बाद अपने सबसे निचले स्तर पर आ गया था।

गुरुवार को भारतीय शेयरों पर ग्लोबल उथल-पुथल का सबसे ज़्यादा असर पड़ा, क्योंकि US बॉन्ड यील्ड में उछाल, कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों और डॉलर के मजबूत होने से बाज़ार नीचे आ गया। 10-साल का US ट्रेजरी यील्ड बढ़कर 5.13% हो गया, जो जुलाई 2007 के बाद सबसे ऊंचा स्तर है, जबकि US-ईरान संघर्ष को लेकर नई चिंताओं के कारण ब्रेंट क्रूड की कीमत फिर से $106 प्रति बैरल के करीब पहुंच गई।

मजबूत US डॉलर, जो 101 के पार चला गया, ने भारतीय रुपये और मेटल शेयरों पर और दबाव डाला।

IRDAI के ड्राफ्ट डिस्ट्रीब्यूशन नियमों के कारण भारी बिकवाली से बैंकिंग और इंश्योरेंस शेयरों में सबसे ज़्यादा गिरावट आई। PB फिनटेक 32% और टर्टलमिंट 20% गिर गए, जबकि एक्सिस बैंक और इंडसइंड बैंक में से प्रत्येक में लगभग 5% की गिरावट आई। मंथली एक्सपायरी से जुड़ी अस्थिरता और ऊंचे स्तरों पर मुनाफावसूली ने गिरावट को और बढ़ा दिया।

क्रूड में दबाव

इस बीच, तेल बाजार के दबाव के पीछे एक मुख्य कारण बना रहा। ब्रेंट क्रूड लगातार दूसरे सत्र में बढ़कर $106.60 प्रति बैरल पर बंद हुआ, जिससे इस साल इसकी बढ़त 75% से ज़्यादा हो गई। हालांकि, शुक्रवार को कुछ राहत मिली क्योंकि ब्रेंट क्रूड की कीमत 0.5% गिर गई। यह गिरावट उन खबरों के बीच आई जिनमें कहा गया था कि अमेरिका और ईरान के बातचीत करने वाले एक ऐसे चरणबद्ध समझौते पर काम कर रहे हैं, जिसके तहत तेहरान ‘स्ट्रेट ऑफ़ होर्मुज’ को फिर से खोल देगा और बदले में वाशिंगटन ईरानी बंदरगाहों पर लगी नाकेबंदी हटा लेगा। वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट क्रूड की कीमत 0.8% गिरकर $93.87 प्रति बैरल हो गई।

उम्मीद है कि आने वाले समय में बाजार तेल की कीमतों और बॉन्ड यील्ड पर ध्यान केंद्रित रखेंगे, क्योंकि स्वैप्स में अब अगले साल के दौरान US फेड द्वारा तीन बार और ‘क्वार्टर-पॉइंट’ (0.25%) की बढ़ोतरी की पूरी तरह से उम्मीद की जा रही है।

अमेरिका-ईरान संघर्ष शुरू होने के बाद से दो साल की US ट्रेजरी यील्ड में 150 बेसिस पॉइंट से ज़्यादा की बढ़ोतरी हुई है, जबकि इसी अवधि में 30 साल की यील्ड में 80 बेसिस पॉइंट से ज़्यादा की बढ़ोतरी हुई है।

Stock Market Live Update: गिफ्ट निफ्टी दे रहा संकेत, फ्लैट हो सकती है भारतीय बाजार की शुरुआत

(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Stock Market Live Update: गिफ्ट निफ्टी दे रहा संकेत, फ्लैट हो सकती है भारतीय बाजार की शुरुआत

Stock Market Live Update:  शुक्रवार को भारतीय शेयर बाजार के बेंचमार्क सेंसेक्स और निफ्टी की शुरुआत सुस्त रहने की संभावना है। GIFT निफ्टी फ्यूचर्स से मिले संकेतों के अनुसार, कच्चे तेल की ऊंची कीमतों, अमेरिका-ईरान के बीच जारी तनाव और ग्लोबल बॉन्ड यील्ड में बढ़ोतरी का दबाव बना हुआ है।

सुबह 7:07 बजे, GIFT निफ्टी फ्यूचर्स, निफ्टी फ्यूचर्स के मुकाबले 34.4 अंक ऊपर ट्रेड कर रहा था, जो घरेलू शेयर बाजार के लिए सुस्त से लेकर सकारात्मक शुरुआत का संकेत दे रहा है।

पिछले सेशन में, BSE सेंसेक्स 1.67% या 1,247.71 अंक गिरकर 73,580.54 पर बंद हुआ, जबकि NSE निफ्टी50 383.70 अंक या 1.64% गिरकर 23,063.10 पर बंद हुआ।

इस बीच ग्लोबल संकेत भी कमजोर से मिले-जुले रहे। शुरुआती कारोबार में एशियाई बाजार मिले-जुले रहे।निवेशक ट्रंप-शी की बैठक, अमेरिका-ईरान के बीच जारी तनाव, तेल की ऊंची कीमतों और ग्लोबल बॉन्ड की बिकवाली पर करीबी नजर बनाए हुए हैं।

जापान का निक्केई 225 0.48% ऊपर था, जबकि व्यापक टॉपिक्स (Topix) में 0.58% की बढ़त हुई। हालांकि, ऑस्ट्रेलिया का S&P/ASX 200 0.50% गिर गया। चीन और दक्षिण कोरिया के बाजार छुट्टी के कारण बंद रहे।

मिडिल ईस्ट में जारी अनिश्चितता, ऊर्जा की बढ़ती कीमतों और ग्लोबल बॉन्ड यील्ड में बढ़ोतरी के बीच एशियाई शेयर बाजार सप्ताह के आखिरी कारोबारी सत्र में दाखिल हुए। ट्रेजरी यील्ड में लगातार बढ़ोतरी के कारण निवेशक लंबे समय तक ऊंची ब्याज दरों के असर का भी आकलन कर रहे हैं।

क्या बाजार में फिर बढ़ा गिरावट का खतरा! जानें गिफ्ट निफ्टी आज क्या दे रहा संकेत

Gift Nifty Indicator: बुधवार को भारतीय बेंचमार्क इंडेक्स में हल्की गिरावट के साथ शुरुआत होने की संभावना है। पिछले सेशन में निफ्टी की लगातार चार दिनों की बढ़त का सिलसिला टूटने के बाद, GIFT निफ्टी कमजोर शुरुआत का संकेत दे रहा है। एशियाई बाजारों में मजबूती और ब्रेंट क्रूड का भाव $100 प्रति बैरल से नीचे आना बाजार के लिए सकारात्मक संकेत हैं, हालांकि विदेशी संस्थागत निवेशकों की लगातार बिकवाली से घरेलू बाजार का मूड सतर्क रह सकता है।

सुबह करीब 8 बजे GIFT निफ्टी 55 अंक या 0.24 फीसदी की गिरावट के साथ 23,345 पर ट्रेड कर रहा था। मंगलवार को उतार-चढ़ाव भरे सेशन में भारतीय शेयर बाजार गिरावट के साथ बंद हुए, जिससे लगातार चार दिनों की बढ़त का सिलसिला टूट गया। सेंसेक्स 329.91 अंक या 0.44 प्रतिशत गिरकर 74,529.08 पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी 85.30 अंक या 0.36 प्रतिशत गिरकर 23,329 पर आ गया। IT, PSU बैंक और ऑयल एंड गैस सेक्टर के शेयरों में सबसे ज्यादा गिरावट देखी गई।

नैस्डैक लगातार दूसरी बार रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंचा

मंगलवार को अमेरिकी शेयर बाजार में मिला-जुला कारोबार हुआ, लेकिन टेक्नोलॉजी शेयरों का प्रदर्शन शानदार रहा। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को लेकर उत्साह ने माइक्रोन टेक्नोलॉजी और AI से जुड़ी दूसरी कंपनियों के शेयरों को सहारा दिया। अमेरिकी टेक्नोलॉजी शेयरों में जारी मजबूती का असर एशियाई बाजारों पर भी दिखा, जिससे ग्लोबल ब्याज दरों और जियोपॉलिटिकल जोखिमों से जुड़ी कुछ चिंताओं को कम करने में मदद मिली।

नैस्डैक कम्पोजिट 0.45 प्रतिशत बढ़कर 27,244.28 पर बंद हुआ, जो इसकी लगातार दूसरी रिकॉर्ड क्लोजिंग ऊंचाई है। S&P 500 लगभग बिना किसी बदलाव के 7,764.64 पर बंद हुआ और रिकॉर्ड स्तर के ठीक नीचे बना रहा, जबकि डॉव जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज 0.36 प्रतिशत गिरकर 51,863.69 पर आ गया।

बुधवार को कच्चे तेल की कीमतों में थोड़ी गिरावट आई। ब्रेंट क्रूड की कीमत 100 डॉलर प्रति बैरल से नीचे आ गई, क्योंकि सऊदी अरब ने एक अहम पाइपलाइन के जरिए सप्लाई बहाल करना शुरू कर दिया और निवेशक अमेरिका-ईरान विवाद के डिप्लोमैटिक समाधान की दिशा में हो रही प्रगति पर नजर रखे हुए थे। ब्रेंट क्रूड फ्यूचर्स 0.07 प्रतिशत गिरकर 99.18 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया, जबकि वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (WTI) 0.39 प्रतिशत गिरकर 90.17 डॉलर पर आ गया।

इंडेक्स पर क्या हो रणनीति

सेंसेक्स के आउटलुक पर बात करते हुए चॉइस इक्विटी ब्रोकिंग प्राइवेट लिमिटेड के टेक्निकल रिसर्च VP सचिन गुप्ता ने कहा कि 75,000 का लेवल एक मजबूत रेजिस्टेंस ज़ोन के तौर पर उभरा है, जहां से इंडेक्स को सेलिंग प्रेशर का सामना करना पड़ा और एक बेयरिश डेली कैंडल बनी। RSI 35.51 पर है, जबकि इसका RSI-बेस्ड मूविंग एवरेज 33.17 पर है, जो दिखाता है कि मोमेंटम कमजोर बना हुआ है, भले ही RSI अपने एवरेज से ऊपर चला गया हो।

गुप्ता ने कहा, “कुल मिलाकर, सेंसेक्स के 74,000–75,000 की रेंज में बने रहने की संभावना है, जब तक कि कोई भी एक सीमा निर्णायक रूप से टूट न जाए। 74,000–74,200 से ऊपर बने रहने से इंडेक्स को 74,800–75,000 की ओर रिकवरी की कोशिश करने में मदद मिल सकती है, जबकि सपोर्ट से नीचे लगातार बने रहने से सेलिंग प्रेशर फिर से बढ़ सकता है। फिलहाल, ट्रेडर्स साफ दिशा के संकेतों के लिए प्राइस एक्शन और प्रमुख OI लेवल्स के बीच के संबंध पर ध्यान दे सकते हैं।”

LKP सिक्योरिटीज के सीनियर टेक्निकल एनालिस्ट रूपक डे ने कहा कि इंडेक्स ने डेली चार्ट पर ‘बेयरिश एनगल्फिंग पैटर्न’ बनाया है, जो बताता है कि मार्केट में तेजी का रुझान कम हो रहा है।रूपक ने कहा, “मार्केट का मूड कमजोर लग रहा है। इसका तुरंत सपोर्ट 23,300 पर है; अगर इंडेक्स इससे नीचे जाता है, तो यह 23,000 की तरफ गिर सकता है। दूसरी ओर, रेजिस्टेंस 23,400 पर है; अगर इंडेक्स इससे ऊपर जाता है, तो यह 23,600 और उससे भी ऊपर जा सकता है।”

Stock Market Live Update: गिफ्ट निफ्टी दे रहा संकेत, कमजोर हो सकती है बाजार की शुरुआत, एशियन मार्केट में तेजी

(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

क्रूड, बॉन्ड यील्ड की डबल राहत से क्या होगी आज निफ्टी वीकली एक्सपायरी परफेक्ट, जानें गिफ्ट निफ्टी क्या दे रहा संकेत

Gift Nifty Indicator: मंगलवार को भारतीय बेंचमार्क इंडेक्स सेंसेक्स और निफ्टी के बढ़त के साथ खुलने की उम्मीद है। GIFT निफ्टी एक पॉजिटिव शुरुआत का संकेत दे रहा है। ऐसा इसलिए क्योंकि एशियाई बाजारों में टेक्नोलॉजी-आधारित तेजी और वॉल स्ट्रीट पर रात भर हुई जबरदस्त बढ़त से बाजार का मूड बेहतर हुआ है। अमेरिका-ईरान के बीच संभावित बातचीत में प्रगति की उम्मीदों के बीच कच्चे तेल की कीमतों में भी हालिया ऊंचे स्तरों से भारी गिरावट आई है, हालांकि ब्रेंट क्रूड अभी भी $100 प्रति बैरल से ऊपर बना हुआ है।

सुबह करीब 8 बजे GIFT निफ्टी 23,499 पर ट्रेड कर रहा था, जो 59 अंक या 0.25 प्रतिशत की बढ़त दिखाता है। भारतीय बाज़ार लगातार चौथे दिन रिकवरी जारी रखने के बाद मंगलवार के सेशन में प्रवेश कर रहे हैं। सोमवार को सेंसेक्स 564.03 अंक या 0.76 प्रतिशत बढ़कर 74,858.99 पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी 67.90 अंक या 0.29 प्रतिशत बढ़कर 23,414.30 पर पहुंच गया।

ग्लोबल माहौल में भी सुधार हुआ है; अमेरिकी टेक्नोलॉजी शेयरों में ज़बरदस्त तेज़ी आई है, ट्रेजरी यील्ड हालिया ऊंचे स्तरों से नीचे आई है और कच्चे तेल की कीमतें इस महीने की शुरुआत में देखे गए स्तरों से काफी नीचे हैं।

सोमवार को कैसी रही सेंसेक्स-निफ्टी की चाल

सोमवार को बेंचमार्क इंडेक्स बढ़त के साथ बंद हुए।  सेंसेक्स में 564 अंकों की बढ़त हुई और निफ्टी ने लगातार चौथे सेशन में अपनी बढ़त का सिलसिला जारी रखा। इस तेज़ी को कच्चे तेल की कीमतों में कमी, विदेशी फंड के नए इनफ्लो और ग्लोबल इक्विटी बाज़ारों में बढ़त का समर्थन मिला।

30-शेयर वाला BSE सेंसेक्स 564.03 अंक या 0.76% बढ़कर 74,858.99 पर बंद हुआ, जो एक हफ़्ते से ज़्यादा समय में इसका सबसे ऊंचा स्तर है। सेशन के दौरान, इंडेक्स 692.44 अंक या 0.93% तक चढ़कर 74,987.40 के इंट्राडे हाई पर पहुंच गया।

50-शेयर वाला NSE निफ्टी भी लगातार चौथे सेशन में बढ़ा और 67.90 अंक या 0.29% की बढ़त के साथ 23,414.30 पर बंद हुआ।

एशियाई बाज़ारों में तेज़ी, टेक शेयरों ने बढ़त को आगे बढ़ाया

मंगलवार को एशियाई शेयरों में तेज़ी आई, जिसमें टेक्नोलॉजी शेयरों ने मुख्य भूमिका निभाई। तेल की कम कीमतों और अमेरिका-ईरान के बीच संभावित बातचीत की उम्मीदों ने निवेशकों का भरोसा बढ़ाया। एशिया में टेक्नोलॉजी शेयरों में यह तेज़ी, अमेरिका में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) शेयरों में रात भर हुई ज़बरदस्त खरीदारी के बाद देखी गई।

शुरुआती कारोबार में जापान को छोड़कर एशिया-पैसिफिक शेयरों का MSCI का सबसे बड़ा इंडेक्स 1 प्रतिशत से ज़्यादा चढ़ा। दक्षिण कोरिया का टेक-हैवी बाज़ार लगभग 2 प्रतिशत उछला, जबकि ताइवान के शेयरों में 1.3 प्रतिशत की बढ़त हुई। चीन का ब्लू-चिप इंडेक्स 0.75 प्रतिशत और हांगकांग का हैंग सेंग 0.4 प्रतिशत बढ़ा। छुट्टी के कारण जापानी बाज़ार बंद रहे।

ब्रेंट क्रूड $100 के करीब

कई दिनों की गिरावट के बाद मंगलवार को कच्चे तेल की कीमतों में मामूली बढ़त हुई, लेकिन यह अपने हालिया उच्चतम स्तर से काफी नीचे बना रहा। निवेशक इस हफ़्ते संयुक्त राष्ट्र महासभा में अमेरिका और ईरान के बीच संभावित बातचीत से जुड़ी गतिविधियों का इंतज़ार कर रहे थे। नवंबर के लिए ब्रेंट क्रूड फ़्यूचर्स 0.22 प्रतिशत बढ़कर $100.57 प्रति बैरल हो गया, जबकि WTI का नवंबर कॉन्ट्रैक्ट 0.14 प्रतिशत बढ़कर $92.49 पर पहुंच गया।

इंडेक्स पर क्या होगी रणनीति

सेंसेक्स के आउटलुक पर बात करते हुए चॉइस इक्विटी ब्रोकिंग प्राइवेट लिमिटेड में टेक्निकल रिसर्च के VP सचिन गुप्ता ने कहा, “सेंसेक्स के साइडवेज रहने की संभावना है, जिसमें 74,000–74,450 का लेवल मुख्य सपोर्ट ज़ोन और 75,000–75,500 का लेवल मुख्य रेजिस्टेंस एरिया होगा। 75,000 के ऊपर लगातार खरीदारी से शॉर्ट-टर्म प्राइस स्ट्रक्चर में सुधार हो सकता है, जबकि 74,000 के नीचे जाने पर बिकवाली का दबाव बढ़ सकता है। ट्रेडर्स को मुख्य OI लेवल पर नज़र रखनी चाहिए और नई डायरेक्शनल पोजीशन लेने से पहले किसी निर्णायक ब्रेकआउट या ब्रेकडाउन का इंतजार करना चाहिए।”

चॉइस ब्रोकिंग प्राइवेट लिमिटेड के टेक्निकल रिसर्च एनालिस्ट हितेश टेलर के अनुसार, डेली कैंडल एक बुलिश कैंडल बनी है, जिसमें नीचे की तरफ छोटी शैडो और ऊपर की तरफ औसत शैडो है। यह पूरे सेशन के दौरान लगातार खरीदारी की दिलचस्पी को दिखाता है, हालांकि दिन के हाई के पास कुछ प्रॉफिट बुकिंग भी देखी गई।

टेलर ने आगे कहा, “टेक्निकल नज़रिए से देखें तो रिकवरी से शॉर्ट-टर्म स्टेबिलिटी बनी हुई है और निफ्टी 23,250–23,320 के इमीडिएट सपोर्ट ज़ोन के ऊपर बना हुआ है। RSI सुधरकर 37.54 हो गया है, जबकि RSI एवरेज 32.54 है, जो ओवरसोल्ड लेवल से मोमेंटम में सुधार का संकेत देता है, हालांकि इंडिकेटर अभी भी 50 के मार्क से नीचे है। 23,000 का लेवल बड़े स्ट्रक्चर के लिए अहम/निर्णायक लेवल बना हुआ है। इमीडिएट रेजिस्टेंस 23,480–23,550 पर है। ऑप्शन डेटा से पता चलता है कि पुट OI का कंसंट्रेशन 23,300–23,400 के आसपास है, जबकि कॉल OI का कंसंट्रेशन 23,400–23,500 के आसपास है। 0.94 का PCR एक तरह से बैलेंस्ड ऑप्शन सेटअप का संकेत देता है, जबकि इंडिया VIX गिरकर 11.22 हो गया है, जो कम वोलैटिलिटी को दिखाता है।”

Stock Market Live Update: गिफ्ट निफ्टी दे रहा पॉजिटिव शुरुआत के संकेत, यूएस, एशिया बाजारों में तेजी

(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Stock Market Live Update: फ्लैट हो सकती है भारतीय बाजार की शुरुआत, टाटा ग्रुप के शेयरों पर रखें नजर

Stock Market Live Update: शुक्रवार को GIFT निफ्टी 23,343 पर ट्रेड कर रहा था, जिससे संकेत मिलता है कि भारतीय इक्विटी बाज़ार की शुरुआत सुस्त हो सकती है, क्योंकि पिछले सेशन में निफ्टी 50 और सेंसेक्स लगभग सपाट बंद हुए थे। अमेरिकी शेयरों में रिकवरी के बाद एशियाई बाज़ार बढ़त के साथ खुले, जबकि निवेशक फेडरल रिज़र्व के ब्याज दरों पर हालिया फ़ैसले और इस साल दरों में एक और बढ़ोतरी की संभावना का आकलन करते रहे।

गुरुवार को निफ्टी 50 0.23% बढ़कर 23,270.60 पर बंद हुआ, जबकि BSE सेंसेक्स मामूली गिरावट के साथ 0.03% नीचे 74,314.59 पर बंद हुआ। फार्मा, रियल्टी और ऑटो शेयरों में बढ़त ने मेटल और बैंकिंग शेयरों के दबाव को संतुलित कर दिया।

ब्रॉडर मार्केट ने बेंचमार्क इंडेक्स से बेहतर प्रदर्शन किया। निफ्टी मिडकैप 100 में 0.92% की बढ़त हुई, जबकि निफ्टी स्मॉलकैप 100 में 0.76% की बढ़ोतरी हुई। फार्मा और रियल्टी सबसे अच्छा प्रदर्शन करने वाले सेक्टर रहे, और दोनों इंडेक्स में 1.5% से ज़्यादा की बढ़त देखी गई। बैंक, मेटल और ऑयल एंड गैस ही ऐसे सेक्टर इंडेक्स थे जो गिरावट के साथ बंद हुए।

टाटा ग्रुप के शेयरों पर नज़र रखें, खासकर उन पर जो टाटा संस के किसी भी अपडेट पर सबसे ज़्यादा प्रतिक्रिया देते हैं, जैसे टाटा केमिकल्स, टाटा मोटर्स PV और अन्य। IT शेयरों, भारत फोर्ज और फिनटेक कंपनियों पर भी नज़र रखनी चाहिए।