Market Trend : ब्रेंट क्रूड की बढ़ती कीमत बाजार के लिए सबसे बड़ा निगेटिव फैक्टर, आज इन दो शेयरों में हो सकती है बंपर कमाई

Market Trend : मिलेजुले ग्लोबल संकेतों के बीच 11 अगस्त को भारतीय बाजार मामूली गिरावट के साथ खुले हैं। ऐसे में जियोजित इन्वेस्टमेंट्स के चीफ इन्वेस्टमेंट स्ट्रैटेजिस्ट, वीके विजयकुमार का कहना है कि बाजार के दूसरे फंडामेंटल्स मजबूत होने के बावजूद,ब्रेंट क्रूड की बढ़ती कीमतें बाजार के लिए परेशानी का सबब बनी हुई हैं। बाजार में एक अहम बदलाव यह हुआ है कि FIIs अब खरीदार बन रहे हैं। Q1 के नतीजे उम्मीद से बेहतर रहे हैं और रुपये में स्थिरता आई है, इससे विदेशी निवेशक पसंद कर रहे हैं। इन बातों से बाजार को सपोर्ट मिल सकता है। घरेलू खपत मजबूत रहने से FY27 तक अर्निंग्स में बढ़ोतरी का सिलसिला जारी रह सकता है।

FCNR(B)में आ रहे भारी निवेश से रुपये को सहारा मिल सकता है,जिससे और ज्यादा FII निवेश आ सकता है। FIIs दक्षिण कोरिया और ताइवान में चिप ट्रेड से अपना पैसा निकालकर भारतीय शेयरों में डाल रहे हैं। यह ट्रेंड जारी रहने की उम्मीद है। दिलचस्प बात यह है कि FIIs अच्छे वैल्यूएशन वाले बड़े बैंकों के बजाय टेलीकॉम, रिन्यूएबल एनर्जी,कैपिटल गुड्स और फार्मास्यूटिकल्स जैसे सेक्टर के महंगे शेयरों में पैसे लगा रहे हैं।

चॉइस ब्रोकिंग में टेक्निकल रिसर्च एनालिस्ट, हितेश टेलर का कहना है कि भारतीय इक्विटी मार्केट में सुस्ती के संकेत हैं। ग्लोबल संकेत मिलेजुले हैं। निवेशक अमेरिका में ब्याज दरों को लेकर कम होती चिंता और दूसरी तरफ कच्चे तेल की ऊंची कीमतों और मिडिल ईस्ट में जारी जियोपॉलिटिकल अनिश्चितता के बीच संतुलन साधने की कोशिश कर रहे हैं। इस हफ्ते अमेरिका में जुलाई के रिटेल महंगाई आंकड़े आने वाले हैं। ऐसे में मार्केट महंगाई और ब्याज दरों को लेकर सतर्क रह सकता है।

निफ्टी पर रणनीति

बाजार में आज की कमाई की रणनीति पर बात करते हुए सीएनबीसी-आवाज के वीरेंद्र कुमार ने कहा कि निफ्टी के लिए पहला रजिस्टेंस 24632-24678 पर और बड़ा रजिस्टेंस 24711-24767/24788 पर है। इसके लिए पहला बेस 24471-24509 पर और बड़ा बेस 24383-24411 पर है। कल बेस-1 से रजिस्टेंस-1 के बीच रेंज ने अच्छा काम किया। FIIs कैश में खरीदारी रही,लेकिन इंडेक्स में बिकवाली हुई। नेट शॉर्ट 1.52 लाख पर रहे,नई शॉर्ट पोजिशन जुड़ी।

आज एक्सपायरी है और ग्लोबल सेटअप साइडवेज है। कच्चा तेल फिलहाल मजबूत निगेटिव फैक्टर है। 24600-24700-24800 पर कॉल और 24500-24400 पर पुट राइटिंग हुई है। 24471 पर 10 DEMA और 24383 पर 200 DEMA है। एक्सपायरी को देखते हुए फिलहाल रेंज में ट्रेड करना बेहतर रहेगा। बेस-1 पर गिरावट में खरीदें,रजिस्टेंस-1 पर निकलें। 24471 के नीचे फिसलने पर दबाव बढ़ेगा,फिर बेस-2 का टेस्ट संभव है। बेस-1 से रिवर्सल मिले तो रजिस्टेंस-1 पर मुनाफा बुक करें।

24711 के ऊपर रेंज ब्रेकआउट हो सकता है,दिन में 70-80 अंक की अतिरिक्त चाल संभव है।

बैंक निफ्टी पर रणनीति

वीरेंद्र कुमार ने कहा कि बैंक निफ्टी के लिए पहला रजिस्टेंस 57941-58086 पर और बड़ा रजिस्टेंस 58278-58389/58534 पर है। इसके लिए पहला बेस 57432-57550 पर और बड़ा बेस 56959-57117/57236 पर है। बैंक निफ्टी अभी छोटी रेंज में फंसा हुआ है। कल भी कारोबार साइडवेज रहा। PSU बैंकों में तेज दबाव देखने को मिला। 58000-58100-58200 पर कॉल राइटिंग दिखी। 57000 पुट में अच्छा OI है, यहां 10/20DEMA भी है।

शुरुआत में रेंज ट्रेड करने की रणनीति रखें। क्रूड में तेजी है,इसलिए बेस-1 टूटने पर दबाव संभव है। बेस-1 टूटने पर बेस-2 तक गिरावट संभव है। बेस-1 से रिवर्सल मिले तो रजिस्टेंस-1 के पास निकलें।

चकाचक चार्ट वाले शेयर

चकाचक चार्ट वाले शेयर बताने के लिए हमारे साथ जुड़े हैं Mantri FinMart के अरुण कुमार मंत्री। आज इनकी जेएसडब्ल्यू एनर्जी और मारुति में खरीदारी की सलाह है। जेएसडब्ल्यू एनर्जी में इनकी 577 रुपए के आसपास, 571 रुपए के स्टॉप लॉस के साथ, 586 रुपए के टारगेट के लिए खरीदारी की सलाह है। वहीं, मारुति में इनकी 14090 रुपए के आसपास,13910 रुपए के स्टॉप लॉस के साथ, 14545 रुपए के टारगेट के लिए खरीदारी की सलाह है

 

Trading Plan: ICICI सिक्योरिटीज के जय ठक्कर से जाने आज कैसी रह सकती है बाजार की चाल, क्या हो कमाई की रणनीति

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Trading Plan: ICICI सिक्योरिटीज के जय ठक्कर से जाने आज कैसी रह सकती है बाजार की चाल, क्या हो कमाई की रणनीति

Trading Plan: आने वाले सेशन में निफ्टी 50 के 24,500-24,650 की सीमित रेंज में ट्रेड करने की संभावना है। हालांकि,इंडेक्स की अंदरूनी मजबूती बनी हुई है और यह अपने 200-डे EMA, 21 डे EMA और 24,482 के ब्रेकआउट जोन के ऊपर ट्रेड कर रहा है। अगर इंडेक्स इस रेंज से नीचे गिरता है,तो अगला डाउनसाइड टारगेट 24,400 हो सकता है। ऊपर की तरफ,24,700-24,800 का जोन रेजिस्टेंस का काम करेगा।

उधर बैंक निफ्टी के लिए 57,500 का लेवल एक अहम सपोर्ट का काम कर सकता है। अगर यह लेवल टूटता है और इसमें बड़ी गिरावट आती है तो और बिकवाली का दबाव बढ़ सकता है। ऊपर की तरफ इसके लिए 58,100-58,250 का जोन रेजिस्टेंस का काम करेगा। बाजार जानकारों का कहना कि अगर बैंक निफ्टी इस रेंज से ऊपर जाता है तो 58,500 और उसके बाद 58,700 तक के लेवल देखने को मिल सकते हैं।

निफ्टी आउटलुक और रणनीति

ICICI सिक्योरिटीज के वाइस प्रेसिडेंट और हेड ऑफ डेरिवेटिव्स एंड क्वांट रिसर्च,जय ठक्कर का कहना है कि सोमवार को वीकली सेटलमेंट से पहले आखिरी ट्रेडिंग सेशन में निफ्टी लगभग सपाट बंद हुआ,लेकिन कुल मिलाकर स्थिति पॉजिटिव दिख रही है। डेली क्लोजिंग अब लगभग सामान्य हो गई है और इम्प्लाइड वोलैटिलिटी भी कम हुई है,जो एक अच्छी बात है। पिछली वीकली एक्सपायरी में दोपहर 3:15 बजे तक कोई ‘थीटा डिके'(समय बीतने के साथ ऑप्शन की कीमत में कमी)नहीं हुआ क्योंकि क्लोजिंग प्राइस को लेकर अनिश्चितता थी,लेकिन पिछले कुछ दिनों के आंकड़े बताते हैं कि दोपहर 3:15 बजे और 3:30 बजे के बीच का अंतर कम हुआ है,जो एक अच्छा संकेत है।

ऑप्शन डेटा से पता चलता है कि शॉर्ट-टर्म रिवर्सल 24,200 से 24,000 के लेवल पर है, जो कुल पुट बेस है। वहीं,24,600-24,800 का जोन रेसिस्टेंस का काम कर रहा है,क्योंकि वीकली एक्सपायरी के लिए यहां सबसे ज्यादा कॉल बेस है और यह 200 DMA के भी करीब है। अगर निफ्टी इसके ऊपर जाता है तो इसके 25,000 की ओर बढ़ने की संभावना है,जहां कुल मिलाकर सबसे ज्यादा कॉल बेस है।

इन बातों को ध्यान में रखकर देखें तो निफ्टी की शॉर्ट टर्म रेंज 24,200-24,800 पर दिख रही है। इसके बाद 24,000-25,000 का लेवल है। इंडिया VIX स्थिर हो गया है और इक्विटी कैश सेगमेंट और इंडेक्स फ्यूचर्स,दोनों में FIIs की तरफ से बिकवाली का दबाव भी कम हुआ है।

मिडिल ईस्ट में जियोपॉलिटिकल तनाव कम होने और इंटरनेशनल क्रूड ऑयल की कीमतें घटने से भारतीय इक्विटी मार्केट के लिए अच्छे संकेत मिल रहे हैं। इन सभी बातों को ध्यान में रखते हुए निफ्टी के लिए शॉर्ट-टर्म में नजरिया पॉजिटिव बना हुआ है।

अहम रेजिस्टेंस: 24,600, 24,800

अहम सपोर्ट: 24,200, 24,000

स्ट्रैटेजी: वर्तमान भाव पर निफ्टी फ्यूचर्स खरीदें और 24,400 के आस-पास गिरावट आने पर और खरीदारी करें। क्लोजिंग बेसिस पर 24,200 के नीचे स्टॉप-लॉस रखें और 24,800 और 25,000 का टारगेट रखें।

बैंक निफ्टी आउटलुक और रणनीति

जय ठक्कर का कहना है कि प्राइवेट सेक्टर के बैंकों के नतीजों और हाल ही में बढ़े जियो-पॉलिटिकल तनाव (जिससे ब्याज दरें बढ़ने का डर पैदा हुआ था) के बाद से बैंक निफ्टी कंसोलिडेशन मोड में आ गया है। हालांकि,अमेरिका से नौकरियों और महंगाई को लेकर आए अच्छे मैक्रो डेटा,जियो-पॉलिटिकल तनाव में कमी और कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट ने बैंकिंग शेयरों में आ रही गिरावट को रोकने में मदद की है।

ऑप्शंस डेटा से पता चलता है कि 58,000 का स्ट्राइक अहम है क्योंकि यहां सबसे ज्यादा कॉल और पुट बेस है। ऐसे में इसके ऊपर जाने पर इंडेक्स पॉजिटिव हो जाएगा। ऐसा होने तक यह कंसोलिडेट होता रह सकता है। चूंकि हाल ही में काफी कंसोलिडेशन हुआ है और ओवरऑल मार्केट की स्थिति भी पॉजिटिव है,इसलिए ऐसा लगता है कि इंडेक्स में ऊपर की ओर ब्रेकआउट होगा,जिससे यह 59,000 और 60,000 के लेवल तक पहुंच सकता है।

नीचे की तरफ बैंक निफ्टी के लिए 57,000 पर तत्काल सपोर्ट है क्योंकि 58,000 स्ट्राइक के बाद यहीं सबसे ज्यादा पुट बेस है।

अहम रेजिस्टेंस: 58,000

अहम सपोर्ट: 57,000

स्ट्रैटेजी: 58,000 के ऊपर बैंक निफ्टी अगस्त फ्यूचर्स खरीदें। स्टॉप-लॉस 57,000 के नीचे रखें और टारगेट 59,000 और 60,000 पर सेट करें।

 

 

Market cues : मोमेंटम इंडिकेटर दे रहे कंसोलीडेशन जारी रहने के संकेत, 24500-24700 का दायरा टूटने पर ही आएगी तेजी

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Market cues : मोमेंटम इंडिकेटर दे रहे कंसोलीडेशन जारी रहने के संकेत, 24500-24700 का दायरा टूटने पर ही आएगी तेजी

Trade setup for today : निफ्टी कल लगातार चौथे सेशन में एक दायरे में ट्रेड करता रहा। 10 अगस्त को यह 0.05 प्रतिशत की बढ़त के साथ बंद हुआ। चूंकि इंडेक्स सभी अहम मूविंग एवरेज के ऊपर ट्रेड कर रहा है,इसलिए इसका ओवरऑल ट्रेंड पॉजिटिव है। हालांकि,मोमेंटम इंडिकेटर और ऑसिलेटर कंसोलिडेशन फेज के जारी रहने का संकेत दे रहे हैं। जब तक कि इंडेक्स पिछले बुधवार के 24,500-24,700 के दायरे को किसी भी तरफ मजबूती से तोड़ नहीं देगा, बाजार इसी दायरे में ही रहेगा।

इस रेंज से ऊपर जाने पर निफ्टी 24,800-25,000 तक जा सकता है,जबकि इससे नीचे गिरने पर 24,400-24,300 के लेवल देखने को मिल सकते हैं। बाजार की नजर मिडिल ईस्ट में हो रही हलचल और तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव पर भी रहनी चाहिए।

चॉइस ब्रोकिंग के टेक्निकल रिसर्च एनालिस्ट हितेश टेलर का कहना है कि निफ्टी के लिए तत्काल सपोर्ट 24,450–24,400 के जेन में है। इसके बाद अगला बड़ा सपोर्ट एरिया 24,300–24,250 के आसपास दिख रहा है। जब तक निफ्टी अपने इमीडिएट सपोर्ट जोन के ऊपर बना रहेगा तब तक मार्केट का स्ट्रक्चर पॉजिटिव रहेगा। हालांकि ट्रेडर्स को उतार-चढ़ाव और चुनिंदा शेयरों में हलचल देखने को मिल सकती है।

ऊपर की तरफ निफ्टी के लिए 24,650–24,700 का जोन इमीडिएट रेजिस्टेंस का काम कर सकता है। उसके बाद 24,800–25,000 पर अगला रेजिस्टेंस होगा। 24,700 के ऊपर टिके रहने से मोमेंटम और मजबूत हो सकता है। दूसरी ओर,24400 के नीचे जाने से शॉर्ट-टर्म प्रॉफिट बुकिंग शुरू हो सकती है और बड़े सपोर्ट जोन पर दबाव बन सकता है।

निफ्टी बैंक आउटलुक

SBI सिक्योरिटीज में टेक्निकल और डेरिवेटिव्स रिसर्च के हेड सुदीप शाह ने कहा कि पिछले चार ट्रेडिंग सेशन से बैंक निफ्टी एक ही दायरे में बना हुआ है। यह 621 अंकों के छोटे दायरे में ऊपर-नीचे हो रहा है और कई ऐसी कैंडलस्टिक बना रहा है जिनसे किसी साफ दिशा का पता नहीं चलता। इसके अलावा,मोमेंटम इंडिकेटर और ऑसिलेटर भी ज्यादातर न्यूट्रल हैं,जिससे संकेत मिलता है कि निकट भविष्य में भी यह इसी दायरे में ट्रेड करता रहेगा।

टेक्निकल नज़रिए से देखें तो 58,000-58,100 का जोन बैंक निफ्टी के लिए तत्काल रेजिस्टेंस का काम कर सकता है। अगर यह 58,100 के ऊपर निकलता है,तो तेजी का दौर फिर से शुरू होने का संकेत मिलेगा और शॉर्ट टर्म में 58,600 और उसके बाद 59,200 तक की नई रैली की गुंजाइश बन सकती है।

उन्होंने आगे कहा कि 50-डे EMA अभी 57,100-57,000 के आस-पास है और इससे मज़बूत सपोर्ट मिलने की उम्मीद है। जब तक इंडेक्स इस सपोर्ट बैंड के ऊपर बना रहता है,तब तक जारी कंसोलिडेशन के बावजूद तेजी का बड़ा ट्रेंड बरकरार रहने की संभावना है।

यहां आपको कुछ ऐसे आंकड़े दे रहे हैं जिनके आधार पर आपको मुनाफे वाले सौदे पकड़ने में आसानी होगी।

Nifty के लिए की सपोर्ट और रजिस्टेंस लेवल

पिवट प्वांइट पर आधारित सपोर्ट : 24,530, 24,504 और 24,462

पिवट प्वांइट पर आधारित रजिस्टेंस : 24,614, 24,640 और 24,682

निफ्टी 50 ने डेली चार्ट पर डोजी कैंडलस्टिक पैटर्न बनाया है,जो तेजड़ियों और मंदड़ियों के बीच अनिश्चितता को दिखाता है। असल में,इंडेक्स ने पिछले चार सेशन में 24,500-24,700 के दायरे में अनिश्चितता दिखाने वाली कैंडल बनाई हैं, लेकिन इस प्राइस एक्शन का असर सीमित है क्योंकि यह एक रेंज-बाउंड मूवमेंट में हुआ है। मार्केट का ओवरऑल स्ट्रक्चर मज़बूत बना हुआ है। निफ्टी सभी अहम मूविंग एवरेज के ऊपर है। साथ ही हाल की तेजी के 23.6 प्रतिशत फिबोनाची रिट्रेसमेंट लेवल और डाउनवर्ड स्लोपिंग ट्रेंडलाइन के भी ऊपर बना हुआ है। वहीं,मोमेंटम इंडिकेटर अभी भी कंसोलिडेशन का संकेत दे रहे हैं। इससे पता चलता है कि नियर टर्म में किसी खास दिशा में मज़बूत मोमेंटम की कमी है।

बैंक निफ्टी (57,687) के लिए अहम लेवल

पिवट प्वाइंट के आधार पर रेजिस्टेंस: 57,930, 58,045 और 58,232

पिवट प्वाइंट के आधार पर सपोर्ट: 57,557, 57,442 और 57,255

फाइबोनैचि रिट्रेसमेंट के आधार पर रेजिस्टेंस: 59,247, 61,787

फाइबोनैचि रिट्रेसमेंट के आधार पर सपोर्ट: 57,305, 56,441

डेली चार्ट पर बैंक निफ्टी ने ऊपर और नीचे शैडो वाली एक छोटी बेयरिश कैंडल बनाई है। यह उतार-चढ़ाव के बीच मामूली करेक्शन का संकेत है। कुल मिलाकर,इंडेक्स लगातार चौथे सेशन में पिछले मंगलवार की रेंज के अंदर ही ट्रेड कर रहा है। इसलिए,इस पैटर्न का असर सीमित है। कीमतों में उतार-चढ़ाव न होने के बावजूद,इंडेक्स अपने अहम मूविंग एवरेज से काफी ऊपर ट्रेड कर रहा है,जो दिखाता है कि बड़ा ट्रेंड पॉजिटिव बना हुआ है। इसके अलावा,मोमेंटम इंडिकेटर और ऑसिलेटर भी ज्यादातर न्यूट्रल हैं,जिससे संकेत मिलता है कि नियर टर्म में एक सीमित दायरे में ही ट्रेडिंग जारी रहने की संभावना है।

एफआईआई और डीआईआई फंड फ्लो

एक्सचेंज के शुरुआती आंकड़ों के अनुसार,10 अगस्त को विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs/FPIs) ने ₹1,974.76 करोड़ के शेयर खरीदे और वे भारतीय इक्विटी के नेट बॉयर बन गए,जबकि घरेलू संस्थागत निवेशकों (DIIs) ने ₹1,290.29 करोड़ के शेयर बेचे और वे नेट सेलर रहे।

इंडिया VIX

मार्केट में होने वाले उतार-चढ़ाव को मापने वाले India VIX में 0.72% की बढ़त हुई और यह 12.24 पर पहुंच गया,लेकिन यह अभी भी चिंताजनक स्तर से काफी नीचे है। जब तक यह 14-15 के दायरे से नीचे बना रहता है,तब तक बाजार में बड़ी अनिश्चितता की संभावना कम है और तेजड़ियों के लिए राहत रहेगी।

पुट कॉल रेशियो

बाजार के मूड को दर्शाने वाला निफ्टी पुट-कॉल रेशियो 10 अगस्त को बढ़कर 0.99 हो गया,जबकि पिछले सेशन में यह 0.89 था। गौरतलब है कि 0.7 से ऊपर या 1 को पार पीसीआर का जाना आम तौर पर तेजी की भावना का संकेत माना जाता है। जबकि 0.7 से नीचे या 0.5 की ओर गिरने वाला अनुपात मंदी की भावना का संकेत होता है।

F&O बैन के अंतर्गत आने वाले स्टॉक

F&O सेगमेंट के अंतर्गत प्रतिबंधित प्रतिभूतियों में वे कंपनियां शामिल होती हैं, जिनके डेरिवेटिव अनुबंध मार्केट वाइड पोजीशन लिमिट के 95 फीसदी से ज्यादा हो जाती हैं।

एफएंडओ प्रतिबंध में नए शामिल स्टॉक: SAIL

एफएंडओ प्रतिबंध में पहले से शामिल स्टॉक: बंधन बैंक

एफएंडओ प्रतिबंध से हटाए गए स्टॉक: केन्स टेक्नोलॉजी इंडिया और लाइफ इंश्योरेंस कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया

 

Stock Market Today : बाजार पर आज इन खबरों का दिखेगा असर, कोई ट्रेड लेने से पहले इन पर डाल लें एक नजर

 

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

 

Sierra vs Seltos vs Duster vs Kushaq: quarter mile drag race

Kushaq vs Sierra drag race

There’s no simpler way to compare one car’s performance to another than with a head-to-head quarter-mile race. In this edition of Autocar India’s quarter-mile racing series, we’ve brought together some of the newest midsize SUVs in the market, including the Tata Sierra, Kia Seltos and the Renault Duster. Let’s find out which of this new crop of midsize SUVs is the quickest down the drag strip. 

Race 1: Tata Sierra vs Kia Seltos 

SUVSeltosSierra
Engine1482cc, 4-cylinder 1498cc, 4-cylinder 
Power160hp at 5500rpm160hp at 5000rpm
Torque253Nm at 1500-3500rpm255Nm at 1750-4000rpm
Transmission7-speed dual-clutch6-speed torque converter
Kerb weight 1467kg1552kg

Our first pairing is between the Tata Sierra and the Kia Seltos, both of which are powered by 1.5-litre turbo-petrol engines, but with different gearboxes. 

These two new midsize SUVs are neck-and-neck on paper, with both featuring 160hp turbo-petrol engines, similar torque outputs and similar weight. However, the torque-converter-equipped Sierra launches much stronger than the Seltos, whose dual-clutch automatic is conservative off the line. The Kia Seltos does begin to claw back lost ground, but a little too late. The Sierra manages to win by a slender margin of about two tenths of a second. Race 2 is even closer, with a gap of just over a tenth, but the result stays the same.  

Sierra vs Seltos drag race times 
 Sierra Seltos
Race 116.92 sec17.11 sec
Race 2 17.07 sec17.19 sec 

Race 2: Skoda Kushaq vs Renault Duster 

SUVKushaq Duster 
Engine1498cc, 4-cylinder 1333cc, 4-cylinder 
Power150hp at 5000-6000rpm163hp at 5,250rpm
Torque250Nm at 1600-3500rpm280Nm at 2,000-3,500rpm
Transmission7-speed dual-clutch6-speed dual-clutch
Kerb weight 1322kg 1363kg

Our next pairing is between the Skoda Kushaq and the Renault Duster. The Kushaq uses a 1.5-litre turbo-petrol engine, while the Duster uses a smaller but more powerful 1.3-litre unit. Both engines come mated to a DCT gearbox. 

The Duster has the advantage on paper with more power, and it backs it up by winning Race 1 by two tenths. The Renault’s wet-clutch DCT allows a better launch than the Skoda’s dry-clutch unit, but the Skoda’s snappier shifts and stronger top end mean it is catching up. Race 2 starts off with the Skoda getting a better launch, and as such, it goes on to beat the Renault by nearly four tenths. Race 3 is closer than Race 2, but the result stays the same, with the Kushaq coming out on top yet again. 

Kushaq vs Duster drag race times 
 Kushaq  Duster
Race 117.77 sec17.65 sec
Race 2 17.05 sec17.69 sec
Race 317.28 sec17.67 sec

Race 3: Tata Sierra vs Skoda Kushaq 

SUVSierraKushaq 
Engine1498cc, 4-cylinder 1498cc, 4-cylinder 
Power160hp at 5000rpm150hp at 5000-6000rpm
Torque255Nm at 1750-4000rpm250Nm at 1600-3500rpm
Transmission6-speed torque converter7-speed dual-clutch
Kerb weight 1552kg1322kg

Finally, we bring together the winners from the first two rounds to determine the fastest midsize SUV you can buy today.

The Sierra has the numbers on its side, but the Kushaq does tend to punch above its weight. As was the case in the earlier races, the Skoda proves tricky to launch off the line, while the Tata Sierra jumps ahead. From there on, the Kushaq does start to reel in the Sierra, but it’s just not enough. The Tata Sierra wins Race 1 by just about a tenth. Race 2 is equally close, with the gap being a minuscule 0.2 seconds, and the Sierra manages to win again. 

Sierra vs Seltos drag race times 
 Sierra Kushaq
Race 117.18 sec 17.28 sec
Race 2 17.02 sec17.21 sec 

Autocar India’s testing standards

Before we conduct our performance tests, we check and maintain tyre pressures based on the manufacturer’s recommendation and ensure the car has a full tank of fuel. The car is then tested in a controlled environment, and the data is collected via highly accurate GPS-based timing equipment.

Stock Market Today : बाजार पर आज इन खबरों का दिखेगा असर, कोई ट्रेड लेने से पहले इन पर डाल लें एक नजर

Market news : गिफ्ट निफ्टी से भारतीय बाजारों के निगेटिव से सपाट खुलने को संकेत मिल रहे हैं। 7.10 बजे सुबह के आसपास गिफ्टी निफ्टी 17.50 अंक यानी 0.07 फीसदी की हल्की कमजोरी के साथ 24,615.50 के आसपास दिख रहा था। यहां हम आपके लिए तमाम समाचार प्लेटफॉर्मों पर चल रही आज की ऐसी अहम खबरों की एक सूची जारी कर रहें हैं जो भारतीय और अंतर्राष्ट्रीय बाजारों को प्रभावित कर सकते हैं।

मार्केट ओवरव्यू

10 अगस्त को उतार-चढ़ाव भरे कारोबारी सत्र में भारतीय इक्विटी इंडेक्स बिना किसी बड़े बदलाव के सपाट बंद हुए । सेंसेक्स कल 43.27 अंक या 0.06% बढ़कर 78,542.44 पर और निफ्टी 13.15 अंक या 0.05% बढ़कर 24,583.80 पर बंद हुआ। निफ्टी50 में टाइटन कंपनी 3%,टाटा कंज्यूमर प्रोडक्ट्स 2.4%, बजाज फाइनेंस 2.2%, श्रीराम फाइनेंस 2% और ग्रासिम 1.7% चढ़े थे। गिरने वाले शेयरों में SBI 2.39%,ITC 1.2%, एटरनल 1.5%, डॉ. रेड्डीज़ लैब्स 1.13% और TCS 1% नीचे बंद हुए थे।

सेक्टर के हिसाब से देखें तो निफ्टी रियल्टी में 1.3%, कंज्यूमर ड्यूरेबल इंडेक्स में 0.4% और प्राइवेट बैंक इंडेक्स में 0.5% की बढ़त देखने को मिली थी। जबकि निफ्टी PSU बैंक 1.6%, निफ्टी ऑयल एंड गैस 0.3% और निफ्टी इंफ्रा 0.4% गिरे थे। निफ्टी मिडकैप 100 में 0.6% की बढ़त हुई और स्मॉलकैप इंडेक्स 0.3% नीचे आया था।

निफ्टी की वीकली एक्सपायरी के दिन बाजार के लिए मिले-जुले संकेत

निफ्टी की वीकली एक्सपायरी के दिन बाजार के लिए मिले-जुले संकेत नजर आ रहे हैं। गिफ्ट निफ्टी में हल्की नरमी है। FIIs की कैश में 1975 करोड़ की खरीदारी देखने को मिली है। हालांकि वायदा में बिकवाली नजर आई है। एशिया में हल्की बढ़त है। वहीं कल US बाजारों में भी हल्की गिरावट दिखी। उधर US बॉन्ड यील्ड फिर 4.7% के पार निकल गया है।

निफ्टी 50 से विप्रो बाहर, BSE की एंट्री

30 सितंबर से NSE इंडेक्स में बड़ा बदलाव होगा। करीब 3 दशक बाद विप्रो का शेयर निफ्टी 50 से बाहर होगा और इसमें BSE की एंट्री होगी। NIFTY NEXT50 और Nifty 500 में भी बदलाव होगा। हिताची,पॉलीकैब,वेदांता एल्युमिनियम और वोडाफोन आइडिया NIFTY NEXT50 में शामिल होंगे।

गौतम अदाणी को US में बड़ी कानूनी राहत

आज अदाणी ग्रुप शेयर फोकस में होंगे। गौतम और सागर अदाणी को अमेरिका में बड़ी कानूनी राहत मिली है। इन पर रिश्वत-धोखाधड़ी का केस खत्म हो गया है। गौतम अदाणी ने कहा है कि US कोर्ट के फैसले का स्वागत है। इसकी सच्चाई,निष्पक्षता और कानून पर हमारा अटूट भरोसा है।

VI को 3700 करोड़ रुपए का घाटा, BOSCH का प्रॉफिट 37% घटा

पहली तिमाही वोडाफोन को 3700 करोड़ रुपए का घाटा हुआ है। 1600 करोड़ रुपये की एकमुश्त आय के बावजूद कंपनी को नुकसान हुआ है। हालांकि घाटे का आंकड़ा अनुमान से कम रहा है। वहीं रेवेन्यू में तीन फीसदी से ज्यादा की बढ़त रही है। एवरेज रेवेन्यू पर यूजर भी 177 से बढ़कर 195 रुपए पर रही है। दूसरी ओर BOSCH INDIA का प्रॉफिट करीब 37% घटा है। लेकिन मार्जिन में सुधार दिखा है।

वायदा की 6 कंपनियों के नतीजे आज

आज वायदा में शामिल सीमेंस,PI इंडस्ट्रीज,मणप्पुरम फाइनेंस और जायडस लाइफ समेत 6 कंपनियों के नतीजे आएंगे। सीमेंस और PI INDUSTRIES के मुनाफे और मार्जिन पर दबाव दिख सकता है। वहीं, मणप्पुरम फाइनेंस की ब्याज से होने वाली कमाई 18 फीसदी बढ़ सकती है।

FII और DII फंड फ्लो

एक्सचेंज के शुरुआती आंकड़ों के अनुसार,10 अगस्त को विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs/FPIs) ने ₹1,974.76 करोड़ के शेयर खरीदे और वे भारतीय इक्विटी के नेट बॉयर बन गए,जबकि घरेलू संस्थागत निवेशकों (DIIs) ने ₹1,290.29 करोड़ के शेयर बेचे और वे नेट सेलर रहे।

 

 

Market View : निफ्टी कंपनियों के लिए अच्छी रहेगी सितंबर तिमाही, बच्चों का कपड़ा बनाने वाली यह कंपनी कर सकती है कमाल

Market View : निफ्टी कंपनियों के लिए अच्छी रहेगी सितंबर तिमाही, बच्चों का कपड़ा बनाने वाली यह कंपनी कर सकती है कमाल

Market View : मार्केट आउटलुक पर चर्चा करते हुए मार्सेलस इन्वेस्टमेंट मैनेजर्स (Marcellus Investment Managers) के फाउंडर और CIO सौरभ मुखर्जी ने कहा कि वे टाइटन में काफी लंबे समय से निवेशित हैं। अगले 10-15 दिनों में टाइटन की स्टोरी पर उनकी एक किताब भी आ रही है। कंपनी की 20-22 साल की कमाल की हिस्ट्री रही है। कंपनी ने इस दौरान न सिर्फ अपना बल्कि पूरे ज्वेलरी मार्केट का ट्रांसफॉर्मेशन कर दिया है। टाइटन ने लोगों में जिस तरह का भरोसा हासिल किया है और वर्किंग कैपिटल मैनेजमेंट किया है वह कमल का है।

पहली तिमाही के नतीजों पर बात करते हुए सौरभ मुखर्जी ने कहा कि इस अवधि में एक बड़ा पॉजिटिव सरप्राइज़ देखने को मिला है। जून तिमाही में निफ्टी की ईपीएस ग्रोथ 7-8 फीसदी रहने की उम्मीद थी। लेकिन अब ऐसा लगता है कि यह डबल डिजिट में रह सकती है। यह करीबन 3 साल बाद ऐसा पहला क्वार्टर होगा जहां पर डबल डिजिट ग्रोथ दिखेगी। स्मॉल एंड मिड कैप में डबल डिजिट ग्रोथ काफी सालों से दिख रही है, वो नई बात नहीं है। लेकिन निफ्टी में जो भारी भरकम स्टॉक्स है उनके लिए यह तीन साल का बेस्ट क्वार्टर हो सकता। ऐसा लग रहा है कि निफ्टी के लिए सितंबर क्वार्टर भी अच्छा रहेगा। पिछले साल इनकम टैक्स, आरबीआई के रेट और जीएसटी दरों में जो कटौती हुई उसका फायदा जून तिमाही में दिखा। सितंबर तिमाही में भी इसका असर रहेगा। कंज्यूमर बाजार की तरफ रुख कर रहे हैं।

उन्होंने आगे कहा कि सरकार कैपेक्स पर थोड़ दबाव तो है लेकिन प्राइवेट कैपेक्स में थोड़ा सा पिकअप दिख रहा है। एक्सपोर्ट ओरिएंटेड मैन्युफैक्चरिंग में भी सॉलिड पिकअप दिख रहा है। एक्सपोर्ट ओरिएंटेड मैन्युफैक्चरिंग में विदेशी निवेश भी आ रहा है। कंपनियों की कमाई और ऑपरेटिंग मार्जिन में भी पिक अप दिख रहा है। ऐसे में यह तिमाही काफी अच्छी रही है। अगले 3-4 साल बाजार के लिए अच्छे रहेंगे। इस दौर में क्वालिटी स्टॉक्स अच्छा रिटर्न देंगे।

एक्सपोर्ट से जुड़ा मैन्युफैक्चरिंग स्पेस करेगा बेहतर प्रदर्शन

अपने पसंदीदा शेयरों पर बात करते हुए सौरभ मुखर्जी ने कहा कि आगे एक्सपोर्ट से जुड़ा मैन्युफैक्चरिंग स्पेस बेहतर करेगा। इस सेक्टर की एक कंपनी है एसपी एपेरल्स (SP Apparels)। उम्मीद है कि यह शेयर आगे काफी अच्छा प्रदर्शन करेगा। यह कोयम्बटूर के पास बेस्ड बच्चों के लिए कपड़ा बनाने वाली कंपनी है। यह एक्सपोर्ट ओरिएंटेड मैन्युफैक्चरिंग करती है। यह कोयंबटूर से पूरे वेस्टर्न यूरोप के रिटेलर्स के लिए बच्चों का कपड़ा बनाती है। ध्यान देनें की बात है कि बच्चों का कपड़ा बनाना एक कठिन काम है। इसमें यूरोपियन देशों द्वारा तय किए गए कई हेल्थ एंड सेफ्टी नियमों का पालन करना होता है। एसपी एपेरल्स इस सेगमेंट की लीडिंग प्लेयर है।

सौरभ मुखर्जी ने बताया कि उन्होंने करीबन चार या पांच महीने पहले इस स्टॉक में पोजीशन बनाई थी। वे कई सालों से इस पर नजर रखे हुए थे। उनकों यह कंपनी काफी साफ सुथरी और अच्छी लगती है। बहुत साल से कंपनी बांग्लादेश फैक्टर से परेशान थी। बांग्लादेश पर यूरोप में भारत के मुकाबले 13-14% कम टैरिफ लगता है। लेकिन जब तो जब पीयूष गोयल ने यूरोप के साथ फ्री ट्रंड एग्रीमेंट पर साइन किया तो एसपी एपेरल्स फिर से लाइम लाइट में आ गया। उम्मीद है कि जनवरी 2027 से एसपी एपेरल्स को टैरिफ के मामले में बांग्लादेश के साथ बराबरी मिल जाएगी। रुपया भी गिर रहा है। कंपनी अच्छा प्रोडक्ट भी बनाती है। कंपनी को करेंसी में कमजोरी और एफटीए का फायदा दोनों ही मिलेगा।

 

 

Market Outlook: सपाट बंद हुआ बाजार, जानिए 11 अगस्त को कैसी रह सकती है सेंसेक्स-निफ्टी की चाल

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

MG celebrates 7-year anniversary of Hector with up to Rs 60,000 in benefits

mg hector

MG has introduced an anniversary programme for the Hector to commemorate seven years since the SUV first launched in India. The Hector was MG’s debut offering for the Indian market and resonated quite well with buyers thanks to its refined petrol and diesel engines, spacious and comfortable cabin, and extensive features list. By May 2022, over 80,000 units of the Hector were sold, and production hit the 1,00,000 milestone in December that year.

MG Hector discounts in August 2026

To celebrate the Hector’s 7-year anniversary, MG is offering benefits of up to Rs 60,000 for the SUV this month. These benefits include exchange bonuses, loyalty rewards, corporate offers, and anniversary discounts, and all Hector bookings placed during August 2026 will be eligible for them. Hector buyers can also take advantage of 100 percent on-road price funding with tenures of up to 84 months, along with 100 percent funding support on accessories.

Pricing for the Hector starts at Rs 11.99 lakh and extends to Rs 20 lakh (ex-showroom). The Hector is available solely with a 143hp 1.5-litre 4-cylinder turbo-petrol engine paired with either a 6-speed manual or a CVT automatic gearbox. 5-seat and 7-seat configurations are available for the Hector.

VinFast Rasad electric maxi-scooter design patented in India

VinFast Rasad

VinFast has filed a design patent in India for what appears to be the Rasad, an electric maxi-scooter concept that the Vietnamese brand unveiled in early 2026 as part of a comprehensive overhaul of its electric two-wheeler portfolio.

  1. Unveiled globally alongside the VinFast Sadie and Saxil
  2. VinFast Viper scooter and Sulad motorcycle also recently patented in India

Upcoming VinFast Rasad details

The Rasad will likely be positioned as a performance-oriented maxi-scooter

The filing comes just a few weeks after VinFast patented two other electric two-wheelers in India – the Viper scooter and an electric motorcycle believed to be based on the Sulad concept, another model the brand unveiled in January 2026 as part of its future product portfolio. The multiple patent filings suggest VinFast is actively preparing a broader product lineup for the Indian market than previously indicated.

The Rasad features a muscular, angular design with chunky tyres and an underbone chassis, similar to the Yamaha Aerox and the recently unveiled Honda ADV160. The design patent also reveals disc brakes at both ends, a spacious-looking stepped seat and a tall windscreen. Suspension duties are handled by a telescopic fork at the front and twin rear shock absorbers.

While VinFast has not officially revealed specifications, Vietnamese publications including Vietnam News have reported that the scooter will use a centrally mounted motor producing 7.1kW of peak power, enabling a claimed top speed of 100kph. The same reports also suggest that VinFast is targeting a global launch in the fourth quarter of 2026.

With regard to the Indian market, VinFast had previously stated that it planned to enter the country in 2026, initially identifying three models from its Vietnam lineup as candidates. Since then, the Viper, the Sulad and now the Rasad have all been patented in India. While patent filings don’t necessarily confirm a launch, they do suggest these models could eventually make their way to our market.

Mahindra BE 07 interior spied for the first time

Mahindra BE 07 interior

New spy shots of a Mahindra BE 07 test mule have given us the first glimpse of the upcoming electric SUV’s interior. Slated to hit the market in 2027, this SUV will be the production-spec version of the BE 07 concept, and will sit above the BE 6 as the second offering under Mahindra’s BE sub-brand.

Mahindra BE 07 interior details

Credit: CarDekho

If this test mule is any indication, the production-spec BE 07 will mirror many of Mahindra’s newer models by hopping on the triple-screen bandwagon. A trio of large displays can clearly be seen in the spy shot, spanning the width of the dashboard. The Mahindra XEV 9e and XEV 9s offer similar setups, and a forthcoming updated version of the BE 6 will come with a triple-screen layout as well.

A small dashcam display is also visible on the BE 07’s windscreen, though it remains unclear whether it hints at a built-in unit or is specific to the prototype. For reference, the BE 6, XEV 9e, and XEV 9S feature a dashcam function that uses the 360-degree camera setup to record and save clips during emergency situations. However, continuous general-loop recording (like in a conventional dashcam) requires a USB storage device to be plugged in.

Mahindra XEV 9e interior. Image used for representation only.

Elsewhere, the production-spec BE 07’s cabin is likely to get a two-spoke steering wheel with the ‘butterfly’ Mahindra logo (used exclusively for the carmaker’s born-electric offerings), ambient lighting, a 5-seat configuration, and more.

Mahindra BE 07 battery and range

Credit: CarDekho

The BE 07 is expected to be underpinned by Mahindra’s INGLO platform and retain the BE 6’s 59kWh and 79kWh battery packs. Since the BE 07 will be larger than the BE 6, its range is likely to be lower than the MIDC-tested 548-683km that the latter claims. As for rivals, the BE 07 is expected to butt heads with the likes of the Tata Harrier EV, Vinfast VF7, and BYD Atto 3.