3 अगस्त का मौसम: बिहार समेत इन 3 राज्यों में बहुत भारी बारिश की चेतावनी, IMD ने दिल्ली से यूपी तक दिया ये अलर्ट

Heavy Rain Alert 3rd August: देश भर में मानसून की सक्रियता के बीच भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 3 अगस्त के लिए मौसम का ताजा पूर्वानुमान जारी कर दिया है। मौसम विभाग के नए बुलेटिन के मुताबिक सोमवार 3 अगस्त को देश के कई हिस्सों में झमाझम बारिश और तूफानी हवाओं का दौर जारी रहेगा। आईएमडी ने बिहार और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल समेत 3 राज्यों में अलग-अलग जगहों पर अत्यंत मुसलाधार यानी बहुत भारी बारिश की गंभीर चेतावनी जारी की है। वहीं उत्तर भारत के मैदानी राज्यों जैसे दिल्ली, उत्तर प्रदेश, पंजाब और हरियाणा से लेकर पहाड़ी इलाकों तक भारी बारिश और बिजली कड़कने का अलर्ट दिया गया है।

इन 3 राज्यों में बहुत भारी बारिश की चेतावनी

मौसम विभाग के अनुसार, 3 अगस्त को देश के तीन प्रमुख राज्यों में बारिश का सबसे अधिक प्रभाव देखने को मिलेगा। यहां कई जगहों पर भारी से बहुत भारी बारिश दर्ज की जा सकती है। बिहार में मानसूनी बारिश का दौर काफी तेज रहेगा। राज्य के अलग-अलग हिस्सों में मूसलाधार और बहुत भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। पूर्वोत्तर भारत से सटे उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम के इलाकों में 3 अगस्त को बहुत तेज बारिश होने का अनुमान है। पूर्वोत्तर के पहाड़ी राज्य अरुणाचल प्रदेश में भी कई स्थानों पर बहुत भारी बारिश होने की संभावना जताई गई है।

दिल्ली-यूपी से लेकर पंजाब-हरियाणा तक भारी बारिश का अलर्ट

आईएमडी के मुताबिक 3 अगस्त को देश के एक बड़े हिस्से में भारी बारिश की संभावना जताई गई है।

उत्तर-पश्चिम भारत: उत्तर प्रदेश (पूर्व और पश्चिम दोनों क्षेत्र), हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली के साथ-साथ पंजाब में अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है। इसके अलावा पहाड़ी राज्यों में उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर-लद्दाख के क्षेत्रों में भारी बारिश का दौर जारी रहेगा।

पूर्व और मध्य भारत: झारखंड, ओडिशा और छत्तीसगढ़ में भारी बारिश की संभावना है। इसके साथ ही केंद्र शासित प्रदेश अंडमान व निकोबार द्वीप समूह में भी तेज बारिश दर्ज की जाएगी।

पूर्वोत्तर भारत: असम व मेघालय के अलावा नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा के छिटपुट इलाकों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।

पश्चिम भारत: कोंकण व गोवा तथा मध्य महाराष्ट्र के पहाड़ी/तटीय इलाकों में भारी बारिश होने का पूर्वानुमान है।

दक्षिण भारत: तटीय कर्नाटक, दक्षिण आंतरिक कर्नाटक, केरल व माहे और तमिलनाडु, पुडुचेरी व कराकल में भारी बारिश का दौर देखने को मिलेगा।

50 किमी/घंटे की रफ्तार से चलेंगी तेज हवाएं, कड़केगी बिजली

मौसम विभाग ने 3 अगस्त को बारिश के साथ-साथ गरज-चमक, आकाशीय बिजली और तेज रफ्तार हवाओं को लेकर भी विस्तृत चेतावनी जारी की है। अंडमान व निकोबार द्वीप समूह, तटीय आंध्र प्रदेश, केरल व माहे, लक्षद्वीप, उत्तर आंतरिक कर्नाटक और तमिलनाडु, पुडुचेरी व कराकल में आंधी-तूफान, आकाशीय बिजली गिरने और 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से झोंके वाली तेज हवाएं चलने की प्रबल संभावना है।

बिहार, तटीय कर्नाटक, दक्षिण आंतरिक कर्नाटक, झारखंड, मध्य प्रदेश, तेलंगाना, पश्चिम बंगाल व सिक्किम और जम्मू-कश्मीर-लद्दाख में गरज-चमक के साथ 30 से 40 किमी प्रति घंटे की गति से हवाएं चलेंगी। अरुणाचल प्रदेश, असम व मेघालय, छत्तीसगढ़, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम व त्रिपुरा, रायलसीमा, उत्तराखंड और विदर्भ के अलग-अलग इलाकों में मुख्य रूप से गरज-चमक के साथ बिजली गिरने का खतरा जताया गया है। तटीय आंध्र प्रदेश, पूरे कर्नाटक क्षेत्र, केरल व माहे, लक्षद्वीप और तेलंगाना में मैदानी व तटीय इलाकों में दिन के दौरान तेज सतही हवाएं चलने की संभावना है।

Heavy Rain Alert: 4 अगस्त से नया वेस्टर्न डिस्टर्बेंस एक्टिव, अगले 7 दिन तक इन राज्यों में मूसलाधार बारिश! IMD ने बताया यूपी से दिल्ली तक का मौसम अपडेट

India Weather Update: देश भर में मानसूनी गतिविधियों के बीच मौसम विभाग (IMD) ने एक बड़ा अलर्ट जारी किया है। उत्तर भारत में मौसम एक बार फिर करवट लेने वाला है। आईएमडी के मुताबिक 4 अगस्त से एक नया पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) उत्तर-पश्चिम भारत को प्रभावित करने जा रहा है। इसके प्रभाव से उत्तर भारत के मैदानी इलाकों से लेकर पहाड़ी राज्यों, मध्य भारत और पूर्वोत्तर राज्यों में अगले 7 दिनों तक झमाझम और मूसलाधार बारिश का दौर देखने को मिलेगा।

मौसम विभाग ने अपनी रिपोर्ट में बताया है कि उत्तर-पश्चिम भारत में नए पश्चिमी विक्षोभ के साथ-साथ दक्षिण-पश्चिम राजस्थान पर बने कम दबाव के क्षेत्र, उत्तराखंड व आसपास के इलाकों में निचले क्षोभमंडल में बने चक्रवाती परिसंचरण और उत्तर-पश्चिम बांग्लादेश से सटे उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल पर बने साइक्लोनिक सर्कुलेशन की वजह से देश के अलग-अलग हिस्सों में मानसूनी बारिश में भारी तेजी आएगी।

उत्तर-पश्चिम भारत: दिल्ली, यूपी, पंजाब और हरियाणा में 3 से 7 अगस्त तक भारी बारिश

मौसम विभाग के अनुसार, उत्तर-पश्चिम भारत के राज्यों में आगामी दिनों में व्यापक स्तर पर बारिश होने का अनुमान है। 4 अगस्त से पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने के साथ ही मैदानी इलाकों में बारिश का दायरा बढ़ेगा। पूर्वी उत्तर प्रदेश में 3 से 7 अगस्त के बीच व्यापक बारिश होगी और कई स्थानों पर भारी बारिश की संभावना है। वहीं 2 अगस्त को पूर्वी यूपी में एक-दो स्थानों पर बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। दूसरी ओर पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 4 से 7 अगस्त के दौरान व्यापक रूप से भारी बारिश दर्ज की जा सकती है। हालांकि 2, 3 और 8 अगस्त को छिटपुट जगहों पर ही बारिश होगी।

हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली और पंजाब में 3 से 6 अगस्त के दौरान काफी व्यापक स्तर पर तेज बारिश होगी और 3 व 4 अगस्त को भारी बारिश होने का पूर्वानुमान है। इसके अलावा 2 अगस्त और 7-8 अगस्त को इन क्षेत्रों में छिटपुट बारिश दर्ज होगी। पश्चिम राजस्थान में 2 अगस्त को व्यापक बारिश और 30-40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का अलर्ट है, जिसके बाद 3 से 8 अगस्त तक हल्की से मध्यम छिटपुट बारिश होगी। वहीं पूर्वी राजस्थान में 2 से 8 अगस्त तक छिटपुट स्थानों पर भारी बारिश और आंधी-तूफान का अनुमान है।

पहाड़ी राज्यों में आफत की बारिश: हिमाचल, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर का हाल

पहाड़ों पर पश्चिमी विक्षोभ और चक्रवाती परिसंचरण का असर सबसे ज्यादा देखने को मिलेगा। हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में 2 से 8 अगस्त के दौरान पूरे हफ्ते व्यापक रूप से मूसलाधार बारिश होने का अलर्ट है। उत्तराखंड में 2 से 8 अगस्त के दौरान बिजली कड़कने और भारी बारिश की लगातार चेतावनी दी गई है।

जम्मू-कश्मीर, लद्दाख में 2 से 6 अगस्त और 8 अगस्त को व्यापक बारिश होगी। 2 से 5 अगस्त के बीच भारी बारिश के साथ-साथ पूरे हफ्ते (2-8 अगस्त) 30-40 किमी/घंटे से लेकर 50 किमी/घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं और थंडरस्टॉर्म की संभावना जताई गई है।

पूर्वी भारत और बिहार: 3 अगस्त को बिहार में अत्यंत भारी बारिश का अलर्ट

मध्य और पूर्वी हिमालय की तलहटी में अगले 4-5 दिनों के दौरान मानसूनी बारिश में इजाफा होगा। बिहार में 2 से 5 अगस्त के दौरान व्यापक बारिश होगी। आईएमडी के मुताबिक बिहार में 2, 4 और 5 अगस्त को भारी बारिश होगी जबकि 3 अगस्त को राज्य में पृथक स्थानों पर बहुत भारी बारिश होने का गंभीर अलर्ट है। 6 से 8 अगस्त के दौरान बिहार में बारिश में कमी आएगी। वहीं झारखंड में 3 से 8 अगस्त के बीच व्यापक बारिश और 2 से 6 अगस्त तक भारी बारिश का अनुमान है।

उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में 2 से 5 अगस्त के दौरान अत्यंत भारी बारिश की संभावना है। गांगेय पश्चिम बंगाल में 5 से 7 अगस्त के बीच भारी बारिश होगी। ओडिशा में 2 से 8 अगस्त तक पूरे हफ्ते भारी बारिश और अंडमान व निकोबार द्वीप समूह में 2 से 6 अगस्त तक भारी बारिश के साथ 4 से 8 अगस्त के बीच 50-60 किमी/घंटे की गति से तूफानी हवाएं चलने का अलर्ट है।

पूर्वोत्तर भारत: असम, मेघालय और अरुणाचल में 5 दिनों तक भारी से बहुत भारी बारिश

पूर्व व पूर्वोत्तर भारत में अगले 5 दिनों के दौरान मानसूनी बारिश की गतिविधियों में काफी तेजी आएगी। असम और मेघालय में 2 से 5 अगस्त के दौरान व्यापक भारी बारिश होगी, जिसमें 4 अगस्त को बहुत भारी बारिश की चेतावनी दी गई है।

अरुणाचल प्रदेश में 3 और 4 अगस्त को पृथक स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश होगी तथा 5 से 7 अगस्त तक भारी बारिश जारी रहेगी। नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 2 से 8 अगस्त के दौरान पूरे हफ्ते काफी व्यापक बारिश होगी, जिसमें 4 अगस्त को बहुत भारी बारिश और 5 से 8 अगस्त तक भारी बारिश की संभावना जताई गई है।

मध्य भारत: मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में 4 अगस्त से बढ़ेगी बारिश

मध्य प्रदेश: पूर्वी मध्य प्रदेश में 4 से 8 अगस्त के दौरान बारिश की गतिविधियां बढ़ेंगी और 5 से 8 अगस्त के बीच भारी बारिश दर्ज की जाएगी। पश्चिमी मध्य प्रदेश में 6 से 8 अगस्त के दौरान भारी बारिश का अनुमान है। 2 से 6 अगस्त के बीच दोनों हिस्सों में तेज हवाएं (30-40 किमी/घंटा) और बिजली कड़कने का अलर्ट है। छत्तीसगढ़ में 3 से 8 अगस्त के दौरान काफी व्यापक स्तर पर भारी बारिश होगी। विदर्भ में 2 अगस्त और 6 से 8 अगस्त के दौरान व्यापक वर्षा देखने को मिलेगी।

पश्चिम भारत: कोंकण, गोवा और महाराष्ट्र में भारी बारिश

कोंकण और गोवा के तटीय इलाकों में 2 से 8 अगस्त तक पूरे हफ्ते व्यापक स्तर पर बारिश जारी रहेगी और 2-3 अगस्त को भारी बारिश की संभावना है। मध्य महाराष्ट्र में 2 अगस्त को भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट है और 3 अगस्त को भारी बारिश होगी। गुजरात क्षेत्र, सौराष्ट्र और कच्छ में 2 अगस्त को भारी बारिश और बिजली कड़कने के बाद 3 से 8 अगस्त के बीच हल्की से मध्यम छिटपुट बारिश दर्ज की जाएगी।

दक्षिण भारत: तटीय कर्नाटक और केरल में भारी बारिश, तमिलनाडु में अलर्ट

दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत में मानसूनी बारिश में कुल मिलाकर कमी दर्ज की जाएगी, लेकिन कुछ तटीय इलाकों में बारिश का जोर बना रहेगा। तटीय कर्नाटक और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में 2 अगस्त को पृथक स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश होगी। इसके बाद 3 अगस्त को भी इन क्षेत्रों में भारी बारिश का अनुमान है।

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केरल और माहे में 2-3 अगस्त और फिर 6 से 8 अगस्त के दौरान भारी बारिश होगी। तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराकल में 2 और 3 अगस्त को भारी बारिश की संभावना जताई गई है। इसके अलावा तटीय आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, कर्नाटक और केरल में 2 से 6 अगस्त के दौरान तेज सतही हवाएं और 40-50 किमी/घंटे की रफ्तार से झोंके वाली हवाएं चलेंगी।

RBI MPC Meet: फिर एक बार जस की तस छोड़ी जा सकती है रेपो रेट, 5 अगस्त को आएगा फैसला

भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) अपनी अगस्त की मौद्रिक नीति समीक्षा में भी प्रमुख नीतिगत दर रेपो को बिना किसी बदलाव के जस का तस छोड़ सकता है। देश के 10 अर्थशास्त्रियों और ट्रेजरी प्रमुखों के एक सर्वेक्षण से यह बात सामने आई है। RBI की मौद्रिक नीति समिति (MPC) की मीटिंग 3-5 अगस्त को होने वाली है। इस साल जून की बैठक में रेपो रेट में लगातार तीसरी बार कोई बदलाव न करते हुए इसे 5.25 प्रतिशत पर स्थिर छोड़ा गया था।

न्यूज एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, सर्वे में ज्यादातर उत्तरदाताओं का अनुमान रहा कि केंद्रीय बैंक आक्रामक रुख अपनाते हुए अपनी नीतिगत स्थिति को ‘न्यूट्रल’ बनाए रखेगा। ऐसा भू-राजनीतिक तनाव, कच्चे तेल की ऊंची कीमतों और असमान मानसून से महंगाई के बढ़ते जोखिमों को देखते हुए किया जा सकता है। अर्थशास्त्रियों ने कहा कि केंद्रीय बैंक ‘देखो और इंतजार करो’ मोड में रहेगा क्योंकि वह महंगाई की स्थिति का आकलन कर रहा है।

पीटीआई के मुताबिक, इक्रा की मुख्य अर्थशास्त्री अदिति नायर का कहना है, ‘‘फिलहाल, महंगाई नरम बनी हुई है और ऐसे में यथास्थिति ही सबसे अच्छा नीतिगत विकल्प है।” जना स्मॉल फाइनेंस बैंक के ट्रेजरी प्रमुख गोपाल त्रिपाठी का मानना है कि केंद्रीय बैंक मानसून की स्थिति और एफसीएनआर (बी) योजना की सफलता का इंतजार करेगा।

पूरे FY27 में रेपो रेट में हो सकती है वृद्धि

सर्वे के अधिकांश उत्तरदाताओं का मानना है कि भले ही अगस्त में पॉलिसी रेट को स्थिर रखा जाए लेकिन पूरे वित्त वर्ष 2026-27 के दौरान इसमें बढ़ोतरी हो सकती है। अगर महंगाई का दबाव बढ़ा तो चालू वित्त वर्ष के दौरान रेपो रेट में कम से कम 2 बार बढ़ोतरी हो सकती है।

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महंगाई और ग्रोथ के अनुमानों को लेकर क्या राय

कच्चे तेल की कीमतों में हालिया उछाल के बावजूद, ज्यादातर लोगों को उम्मीद है कि RBI महंगाई के अनुमान में कोई बदलाव नहीं करेगा। हालांकि कुछ लोगों का यह भी मानना ​​है कि अगर भूराजनीतिक तनाव बना रहा है तो इसमें बढ़ोतरी हो सकती है। धनलक्ष्मी बैंक के ट्रेजरी हेड बालासुब्रमण्यन आर का मानना है कि RBI वित्त वर्ष 2027 के लिए खुदरा महंगाई का अनुमान बढ़ाकर 5.1% कर देगा।

ग्रोथ के अनुमानों को लेकर भी राय बंटी हुई है। कुछ अर्थशास्त्रियों का मानना ​​है कि मजबूत घरेलू मांग के कारण वित्त वर्ष 2027 के GDP ग्रोथ अनुमान में थोड़ी बढ़ोतरी हो सकती है। वहीं कुछ अन्य का मानना है कि कोई बदलाव नहीं होगा।

IMD Heavy Rain Alert: उत्तर से दक्षिण तक मानसून का कहर! दिल्ली समेत इन राज्यों में 7 अगस्त तक भारी बारिश और तेज़ हवाओं का अलर्ट

IMD Heavy Rain Alert: भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने देश के कई हिस्सों में अगले कुछ दिनों तक भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग के अनुसार, 2 से 7 अगस्त के बीच उत्तर, मध्य, पूर्व, पश्चिम, पूर्वोत्तर और दक्षिण भारत के अनेक राज्यों में मूसलाधार बारिश होने की आशंका है। कई इलाकों में गरज-चमक, बिजली गिरने और 30 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का भी अनुमान है।

IMD ने 2 अगस्त से 7 अगस्त तक देश भर के मौसम का विस्तृत पूर्वानुमान और अलर्ट जारी किया है। अगले कुछ दिनों तक उत्तर, पूर्व, पूर्वोत्तर और दक्षिण भारत के अधिकांश हिस्सों में झमाझम बारिश, तेज आंधी-तूफान और आकाशीय बिजली गिरने की आशंका जताई गई है।

उत्तर भारत में बारिश का अलर्ट

हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, जम्मू-कश्मीर, पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, उत्तर प्रदेश और राजस्थान में अगले कई दिनों तक बारिश का सिलसिला जारी रहने की आशंका है। मौसम विभाग ने हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, जम्मू-कश्मीर, हरियाणा, पंजाब और उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। वहीं, पूर्वी और पश्चिमी राजस्थान में भी कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश हो सकती है।

मध्य और पूर्वी भारत पर भी मेहरबान रहेगा मानसून

मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, विदर्भ, बिहार, झारखंड, ओडिशा, पश्चिम बंगाल और सिक्किम में भी व्यापक बारिश होने की आशंका जताई गई है। इसके अलावा बिहार, ओडिशा, झारखंड और गंगीय पश्चिम बंगाल के कई इलाकों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।

इन राज्यों में तेज बारिश की आशंका

अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में भी लगातार बारिश का दौर बना रहेगा। वहीं केरल, कर्नाटक, तमिलनाडु, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश और लक्षद्वीप में भी कई स्थानों पर भारी बारिश के साथ तेज हवाएं चलने की आशंका है। कुछ इलाकों में 50 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे तक की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं।

पहाड़ी राज्य: हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर (लद्दाख, गिलगित-बालटिस्तान और मुज़फ़्फ़राबाद) में 2 से 7 अगस्त के दौरान व्यापक स्तर पर भारी बारिश और बिजली चमकने की चेतावनी दी गई है।

मैदानी क्षेत्र: पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली: 3 से 4 अगस्त के बीच भारी बारिश दर्ज की जा सकती है।

उत्तर प्रदेश: पश्चिमी यूपी में 3 से 7 अगस्त और पूर्वी यूपी में 2 से 6 अगस्त के बीच भारी बारिश होने की आशंका है।

राजस्थान: पूर्व और पश्चिम राजस्थान में 2 अगस्त को भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। इसके साथ 30-50 किमी/घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की आशंका है।

कोंकण, गोवा और गुजरात: कोंकण और गोवा में 2 से 7 अगस्त तक लगातार भारी बारिश होगी। गुजरात क्षेत्र और सौराष्ट्र-कच्छ में 2 से 3 अगस्त को भारी बारिश हो सकती है।

दक्षिण भारत: तटीय कर्नाटक, केरल और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में 2 अगस्त को भारी से बहुत भारी बारिश की आशंका है। 2 अगस्त को उत्तरी एवं दक्षिणी आंतरिक कर्नाटक में 50-70 किमी/घंटे की रफ्तार से तेज तूफानी हवाएं (Thundersquall) चल सकती हैं।

तापमान और बारिश की स्थिति

हालिया बारिश: पिछले 24 घंटों में केरल के कन्नानूर (11 सेमी) और त्रिशूर (10 सेमी) में सबसे ज्यादा बारिश दर्ज की गई। जबकि गुजरात के राजकोट में 7 सेमी बारिश हुई।

तापमान: मध्य प्रदेश के खरगोन में देश का सबसे कम न्यूनतम तापमान (18.2°C) और तमिलनाडु के तोंडी में सबसे अधिक अधिकतम तापमान (40.5°C) दर्ज किया गया।

मछुआरों के लिए विशेष चेतावनी

मौसम विभाग ने अरब सागर और बंगाल की खाड़ी के कई हिस्सों में समुद्र उग्र रहने की आशंका जताई है। गुजरात, कर्नाटक, केरल, लक्षद्वीप और श्रीलंका से लगे समुद्री क्षेत्रों में मछुआरों को अगले कुछ दिनों तक समुद्र में नहीं जाने की सलाह दी गई है।

अरब सागर: मौसम विभाग के मुताबिक, 6 अगस्त तक सोमालिया, ओमान तटों, गुजरात, कर्नाटक, केरल तटों और लक्षद्वीप के आसपास समुद्र में भीषण हलचल रहेगी।

बंगाल की खाड़ी: 6 अगस्त तक श्रीलंका तट और अंडमान सागर से सटे इलाकों में तेज हवाओं के कारण मछुआरों को समुद्र में न जाने की सख्त सलाह दी गई है।

बीते 24 घंटे में इन राज्यों में हुई अच्छी बारिश

पिछले 24 घंटों के दौरान असम-मेघालय, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, पूर्वी राजस्थान, पश्चिम उत्तर प्रदेश, तेलंगाना, गुजरात, कोंकण-गोवा, महाराष्ट्र, केरल और कर्नाटक समेत कई राज्यों में व्यापक बारिश दर्ज की गई। केरल और सौराष्ट्र-कच्छ के कुछ इलाकों में भारी बारिश रिकॉर्ड की गई। IMD ने लोगों से खराब मौसम के दौरान सतर्क रहने, जलभराव वाले क्षेत्रों से बचने और स्थानीय प्रशासन द्वारा जारी सलाह का पालन करने की अपील की है।

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Randeep Hooda: असम पहुंच रणदीप हुड्डा ने बाढ़ पीड़ितों को खिलाया खाना, बोले- ये हमारा फर्ज है

Randeep Hooda: एक्टर रणदीप हुड्डा असम में हैं और शिवसागर में एक NGO द्वारा आयोजित बाढ़ राहत सामग्री वितरण कार्यक्रम में हिस्सा लिया है। शनिवार को, एक्टर ने ‘ग्लोबल सिखों’ के साथ मिलकर शिवसागर में बाढ़ से प्रभावित लोगों को राशन और अन्य जरूरी सामान बांटा। असम में बाढ़ से अब तक 82 लोगों की मौत हो चुकी है और लाखों लोग बेघर हो गए हैं।

रणदीप ने शिवसागर रेलवे स्टेशन पर विस्थापित लोगों को जरूरी सामान बांटा। इसके बाद, एक्टर ने शिवसागर के गुरुद्वारा साहिब में भी मत्था टेका और बाढ़ से प्रभावित असम के लोगों की भलाई के लिए प्रार्थना की।

लंगर के ज़रिए खाना खिलाते हुए रणदीप हुड्डा ने वहां मौजूद मीडिया से कहा, “यह शिवसागर रेलवे स्टेशन है और आस-पास के इलाकों से कई प्रभावित परिवार यहां आए हैं। इसलिए हम खाना बनाते हैं, उनके लिए लाते हैं और पिछले सात दिनों से हर रोज़ ऐसा कर रहे हैं। इंसानियत सबसे ऊपर है।

मैं कई सालों से ‘ग्लोबल सिखों’ की टीम के साथ काम कर रहा हूं और वे जो ज़मीनी काम करते हैं, वह कमाल का है। मैं सभी से गुज़ारिश करूंगा कि वे लोगों की मदद के लिए जिस भी तरह से हो सके योगदान दें – न सिर्फ़ यहां, बल्कि जहां भी कोई समस्या हो। इंसान होने के नाते, दूसरे इंसानों की मदद करना हमारा फ़र्ज़ है। इसीलिए हम यहां हैं।”

रणदीप, जिन्हें हाल ही में ‘सावरकर’ के निर्देशन के लिए नेशनल फ़िल्म अवॉर्ड मिला है, ने कहा कि उन्होंने और उनकी टीम ने बाढ़ से प्रभावित लोगों के लिए कई ज़रूरी चीज़ों का इंतज़ाम कर लिया है। एक्टर ने आगे कहा, “टीम ने इस बात पर काफ़ी रिसर्च की है कि उन्हें किन चीज़ों की ज़रूरत है। ज़्यादातर लोगों को रोज़मर्रा की ज़रूरतों, खाने-पीने और सोने की जगह, गद्दे और तिरपाल जैसी चीज़ों में तुरंत मदद की ज़रूरत है। इसलिए, हम किट तैयार कर रहे हैं और जिन्हें ज़रूरत होगी, उन्हें ये बांटेंगे। हमारी टीम ऐसे लोगों को भी ढूंढ रही है, जिन्हें अभी तक मदद नहीं मिली है, और हम उनकी मदद करने की भी कोशिश कर रहे हैं।”

रणदीप, जिन्हें हाल ही में ‘सावरकर’ के निर्देशन के लिए नेशनल फिल्म अवॉर्ड मिला है, ने कहा कि उन्होंने और उनकी टीम ने बाढ़ से प्रभावित लोगों के लिए कई बुनियादी सुविधाओं का इंतज़ाम कर लिया है। असम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (ASDMA) की रिपोर्ट के अनुसार, राज्य में बाढ़ से अब तक 82 लोगों की मौत हो चुकी है। इससे पहले शुक्रवार को, असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने उद्योगपति गौतम अडानी का शुक्रिया अदा किया। अडानी ने राज्य में बाढ़ से प्रभावित लोगों के लिए राहत और पुनर्वास के कामों में मदद के लिए मुख्यमंत्री राहत कोष में ₹11 करोड़ का योगदान दिया था।

Weather Alert : 17 राज्यों में बारिश का अलर्ट, 13 में भारी बारिश-आंधी; दिल्ली-UP समेत इन राज्यों में आज कैसा रहेगा मौसम? असम में बाढ़ से बिगड़े हालात

weather update 31 july

पश्चिम भारत के गुजरात राज्य में 2 अगस्त को जबरदस्त बारिश की संभावना जताई गई है। इसके कारण राज्य के तटीय और मध्य भाग बहुत प्रभावित रहेंगे। महाराष्ट्र के पुणे और नासिक के घाट क्षेत्रों में तेज बारिश की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार उत्तर प्रदेश में 1 से 7 अगस्त के दौरान मानसून काफी सक्रिय रहेगा।

1 अगस्त को पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कुछ इलाकों में छिटपुट बारिश तो पूर्वी उत्तर प्रदेश में कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की जा सकती है। इसके चलते वहां के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है जबकि मुंबई और आसपास के इलाकों के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है। 

 

मौसम विभाग के मुताबिक 17 राज्यों में बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विभाग ने आज बिहार के अधिकांश जिलों में येलो अलर्ट जारी किया है। इस दौरान 2 से 6 अगस्त तक 30-40 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चलेंगी। साथ ही बिजली चमकने के साथ भारी बारिश के आसार हैं। 

 

पूर्वोत्तर राज्यों यानी असम, मेघालय, सिक्किम, अरुणाचल प्रदेश, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में कई स्थानों पर मूसलाधार बारिश का दौर आज भी जारी रहेगा।  दिल्ली, नोएडा, गाज़ियाबाद और गुरुग्राम में आसमान में बादल छाए रहेंगे। कुछ इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश और आंधी की संभावना है। 

Gujarat Heavy Rain

अधिकतम तापमान 33-35 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहेगा और हवा में नमी होने से उमस महसूस हो सकती है। जबकि कोंकण तटबंध के कारण मुंबई और आसपास के क्षेत्रों में मध्यम से भारी बारिश जारी रहने का अनुमान है। लोकल ट्रेन सेवा और ट्रैफिक पर हल्का असर पड़ सकता है।

 

असम में बाढ़ की स्थिति में शनिवार को मामूली सुधार हुआ और प्रभावित लोगों की संख्या घटकर 1.78 लाख रह गई। एक आधिकारिक बुलेटिन में यह जानकारी दी गई है। बुलेटिन के अनुसार हालांकि बाढ़ प्रभावित जिलों की संख्या बढ़कर सात हो गई। असम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एएसडीएमए) के बुलेटिन में कहा गया है कि पिछले 24 घंटे में राज्य में किसी भी व्यक्ति की मौत की सूचना नहीं मिली है और मृतकों की संख्या 82 ही है।

कल का मौसम 2 अगस्त: 16 राज्यों में हैवी बारिश और 7 राज्यों में बहुत भारी बरसात का अलर्ट, दिल्ली-यूपी से बिहार तक बिगड़ेगा मौसम

India Weather Update: देश में अभी मानसून पूरी तरह सक्रिय है। गुजरात, महाराष्ट्र, राजस्थान, मध्य प्रदेश, उत्तर भारत के पहाड़ी राज्य, बिहार, उत्तर प्रदेश और पूर्वोत्तर समेत कई इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश हो रही है। कुछ जगहों पर फ्लैश फ्लड और जलभराव की स्थिति बनी हुई है। दक्षिण-पश्चिम मानसून के सक्रिय रहने से व्यापक बारिश का माहौल है। हालांकि भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने अगस्त 2026 के लिए पूर्वानुमान जारी करते हुए कहा है कि पूरे देश में बारिश औसत से कम (LPA का 94% से कम) रहने की संभावना है। वैसे उत्तर-पश्चिम, मध्य भारत, पूर्वी प्रायद्वीप और पूर्वोत्तर के कुछ हिस्सों में सामान्य से अधिक बारिश हो सकती है। एल नीनो की स्थिति भी मानसून को प्रभावित कर रही है। इस बीच IMD ने वेदर बुलेटिन में 2 अगस्त के लिए दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश, बिहार, राजस्थान और दक्षिण भारत के राज्यों सहित देश भर में भारी से बहुत भारी बारिश, थंडरस्क्वॉल और आकाशीय बिजली चमकने का अलर्ट जारी किया है।

मौसम विभाग के अनुसार, 2 अगस्त को देश के 7 राज्यों में अलग-अलग स्थानों पर मूसलाधार और बहुत भारी बारिश होने की संभावना है, जबकि 16 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में भारी बारिश का पूर्वानुमान जताया गया है।

इन 7 राज्यों में बहुत भारी बारिश का अलर्ट

मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक रविवार को देश के 7 प्रमुख राज्यों के छिटपुट इलाकों में अत्यंत मूसलाधार यानी भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना जताई गई है। पूरे राजस्थान में कई जगहों पर बहुत भारी बारिश दर्ज की जा सकती है। उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल व सिक्किम के साथ-साथ पूर्वोत्तर के नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। तटीय कर्नाटक, दक्षिण आंतरिक कर्नाटक और केरल व माहे में पृथक स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश होने का अनुमान है।

दिल्ली-यूपी, बिहार समेत इन 16 राज्यों में होगी भारी बारिश

  • देश के 16 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में 2 अगस्त को तेज बारिश का दौर जारी रहेगा। आईएमडी ने निम्नलिखित इलाकों के लिए भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।
  • उत्तर भारत: हरियाणा, चंडीगढ़ व दिल्ली, पूर्व उत्तर प्रदेश, पंजाब, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर-लद्दाख।
  • पूर्व व मध्य भारत: बिहार, ओडिशा, अंडमान व निकोबार द्वीप समूह, कोंकण व गोवा, मध्य महाराष्ट्र और गुजरात राज्य।
  • पूर्वोत्तर भारत: अरुणाचल प्रदेश और असम व मेघालय।

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इन इलाकों से टकराएगा थंडरस्क्वॉल, 60 किमी/घंटे की रफ्तार से चलेंगी हवाएं

रविवार को कई राज्यों में गरज-चमक के साथ-साथ तूफानी हवाओं का प्रभाव भी देखा जाएगा। आंतरिक कर्नाटक में अलग-अलग जगहों पर 50 से 60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तूफानी हवाएं यानी थंडरस्क्वॉल चलने का गंभीर अलर्ट है। अंडमान व निकोबार द्वीप समूह, तटीय आंध्र प्रदेश व यनम, तटीय कर्नाटक, झारखंड, केरल व माहे, लक्षद्वीप, तमिलनाडु, पुडुचेरी व कराकल और पश्चिम मध्य प्रदेश में गरज-चमक के साथ 40-50 किमी/घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलेंगी।

बिहार, पूर्वी मध्य प्रदेश, गांगेय पश्चिम बंगाल, जम्मू-कश्मीर-लद्दाख, राजस्थान और तेलंगाना में तेज गरज-चमक और 30-40 किमी/घंटे की गति से झोंके वाली हवाएं चलने की संभावना है। अरुणाचल प्रदेश, असम व मेघालय, छत्तीसगढ़, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम व त्रिपुरा, ओडिशा, उत्तराखंड और विदर्भ में अलग-अलग जगहों पर आकाशीय बिजली गिरने की आशंका है। आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, केरल व माहे और तेलंगाना में मैदानी व तटीय क्षेत्रों में तेज सतही हवाएं चलेंगी।

बदल जाएगी संस्कारधानी की सूरत, सीएम डॉ. मोहन यादव ने जबलपुर के लिए खोला सौगातों का पिटारा

भोपाल। मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शनिवार को जबलपुर के लिए सौगातों का पिटारा खोल दिया। उन्होंने यहां 362.31 करोड़ रुपये की लागत से तैयार 'अमृत 1.0' सीवेज परियोजना का शुभारंभ किया, कठौंदा, ललपुर और तेवर में बने तीन बड़े सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट का लोकार्पण किया। उन्होंने सिविल लाइन में आधुनिक सुविधाओं से लैस मॉडर्न लॉन्ड्री की सौगात दी, गुरंदी में 2.5 करोड़ रुपये की लागत से बने नए मछली बाजार का लोकार्पण किया। इस दौरान उन्होंने पीएम स्वनिधि के हितग्राहियों को डिजिटल कार्ड भी प्रदान किए। इतना ही नहीं, उन्होंने जबलपुर में इमारती लकड़ियों से फर्नीचर निर्माण के लिए फर्नीचर कलस्टर स्थापित करने और सांदीपनि की घोषणा की। उन्होंने कहा कि जबलपुर फर्नीचर निर्माण का नया केंद्र बनेगा। कार्यक्रम में  'कैच द रेन' अभियान के तहत 11 लाख पौधरोपण महाअभियान का भी शुभारंभ हुआ। 

 

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने मन की बात कार्यक्रम के माध्यम से आकाशवाणी को नई पहचान दी और युवाओं को संचार तकनीक से परिचित कराया। देश की 80 करोड़ आबादी को नि:शुल्क राशन, पक्का मकान, नि:शुल्क शौचालय, हर घर नल से जल, आयुष्मान कार्ड के माध्यम से 5 लाख रुपए तक के इलाज की सुविधा मिल रही है। रेहड़ी वाले छोटे व्यापारियों को पीएम स्वनिधि योजना के अंतर्गत लाभ मिल रहा है। आज जबलपुर के अनेक हितग्राहियों को डिजिटल कार्ड प्रदान किए गए हैं। हर गरीब के जीवन में सुख का सूरज निकले, राज्य सरकार सहयोग की भावना से कार्य कर रही है। सरकार का अर्थ सहकार और सहकार का अर्थ परिवार की सहायता करना है। 

 

ऋषि-मुनियों के समान हैं पेड़-मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि दुनिया के सामने भारत वसुधैब कुटुम्बकम का एक आदर्श उदाहरण है। भारतीय परंपरा प्राचीनकाल से इसी भाव से आगे बढ़ती रही है। प्रकृति के साथ रिश्ता बनाने के लिए आज जबलपुर से 11 लाख पौधे लगाने के लिए पौधारोपण अभियान का शुभारंभ किया गया है। पेड़ हमारे जीवन में ऋषि-मुनियों के समान हैं, जिनसे हमें स्वच्छ हवा मिलती है। वृक्षारोपण के लिए नई मियावाकी पद्धति से एक एकड़ भूमि पर 12 हजार पौधे लगाए जा सकते हैं। यह क्षेत्र तीन साल में सघन वन बन जाता है। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश नदियों का मायका है। यहां हरे-भरे सघन वन हैं। नदियां जंगलों को आबाद रखती हैं। लोगों को जल मिलता है। सभी को खुशहाली और आगे बढ़ने का अवसर देती हैं। नर्मदा नदी से गुजरात और राजस्थान को भी समृद्धि मिलती है।

मध्यप्रदेश की जलराशि गंगा बेसिन और यमुना नदी से माध्यम से गंगा सागर तक जाकर समुद्र में मिलती हैं। चंबल और सोन जैसी नदियां गंगा-यमुना की धारा को रफ्तार देती हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सबका साथ-सबका विकास की भावना के साथ आगे बढ़ते हुए सिविल लाइन में आधुनिक सुविधाओं से लैस मॉडर्न लॉन्ड्री की सौगात दी गई है। वहीं, गुरंदी में मछली व्यवसाय से जुड़े लोगों की सुविधा के लिए 2.5 करोड़ रुपये की लागत से पक्के मत्स्य बाजार का लोकार्पण किया गया है। खुले में मछली बिकने से इसे नहीं खाने वालों को बड़ी कठिनाई होती है। दूसरी ओर, खाने वालों के लिए खानपान की शुद्धता पर असर पड़ता है। 


यूसीसी की दिशा में आगे बढ़े हम-मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि देश की आजादी के बाद कांग्रेस ने समाज को वोट बैंक के चश्मे से देखा। धर्म के आधार पर लोगों को बांटने की कोशिश की गई। रहीम और रसखान की रचनाएं देखिए, जिनमें भगवान श्रीकृष्ण की लीलाओं का चित्रण मिलता है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार आने के बाद देश में कहीं कोई सांप्रदायिक हिंसा नहीं हुई। यह बदलते दौर का भारत है। मध्यप्रदेश सरकार ने इसी भावना से हिंदू और मुस्लिम सहित सभी वर्गों के लिए एक समान कानून लागू करने का निर्णय लिया है। यूसीसी लागू करने के लिए राज्य सरकार ने 3 करोड़ से अधिक एसएमएस भेजे, जिसके बाद 10 लाख से अधिक सुझाव समिति के पास आए। इन सुझावों में 74 प्रतिशत मुस्लिम बहनों ने यूसीसी लागू करने का समर्थन किया। एक जैसे हैं, वैसे ही सभी हैं। इसी भावना से एक समान कानून लागू करने की दिशा में आगे बढ़े हैं।

 

देश के लिए हमारे काम बने मॉडल-मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश का लोक निर्माण विभाग देश में सबसे अच्छा काम करने वाला विभाग है। हमारे द्वारा लागू कई काम देश में लागू हो रहे हैं। मध्यप्रदेश ने ब्रिटिशकाल के राजमार्ग कानून और फायर सेफ्टी एक्ट में संशोधन किया। उन्होंने कहा कि सांदीपनि विद्यालय भगवान श्रीकृष्ण और सुदामा की मित्रता के प्रतीक हैं। हमारे बच्चों को संस्कार युक्त शिक्षा मिले, इसीलिए प्रदेशभर में भव्य सांदीपनि विद्यालय बनाए गए हैं। युवाओं का भविष्य संवारने के लिए दो साल में 10 हजार शिक्षक और पुलिस विभाग में 18 हजार पदों पर भर्ती की गई है। सभी विभागों के लगभग ढाई लाख से अधिक शासकीय सेवकों को पदोन्नति दी गई है। उन्होंने कहा कि सिर्फ पुलिस विभाग में ही 25 हजार अधिकारी-कर्मचारियों के प्रमोशन हुए। देश की आजादी के बाद केवल सागर और उज्जैन में ही विश्वविद्यालय थे। लेकिन धीरे-धीरे इनकी संख्या बढ़ती गई। वर्तमान समय में 75 से अधिक विश्वविद्यालय हो चुके हैं। हमारी यूनिवर्सिटी ऐसी बनें, जहां विद्यार्थियों को उच्च गुणवत्ता के साथ शिक्षा मिले। भविष्य में जबलपुर मेडिकल यूनिवर्सिटी एक प्रकार से प्रदेश के एम्स की तर्ज पर विकसित होगी और यह मॉडल पूरे प्रदेश में लागू किया जाएगा। 

 

और निखरेगी संस्कारधानी-मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जबलपुर के समग्र विकास के लिए अधिकारी मेट्रोपोलिटन सिटी का ड्राफ्ट तैयार करें। सरकार एक साल के अंदर जबलपुर को मेट्रोपोलिटन सिटी बनाएगी। यहां चारों दिशा में नैसर्गिक सौंदर्य है। मदन महल के पास एक बड़ा जू (चिड़ियाघर) बनाया जाएगा, जो देशी-विदेशी पर्यटकों के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र बनेगा। मध्यप्रदेश टाइगर स्टेट तो पहले से है, अब तो चीता भी मध्यप्रदेश में जीता है। यह हमारा सौभाग्य है कि मध्यप्रदेश मगरमच्छ, घड़ियाल, गिद्ध, तेंदुआ जैसे वन्यजीवों के मामले में भी अग्रणी राज्य है। एशिया महाद्वीप से चीता विलुप्त हो गया था, लेकिन मध्यप्रदेश की धरती पर आते ही उनकी संख्या 20 से बढ़कर 52 हो गए। उन्होंने कहा कि यह हमारे सहअस्तित्व की भावना का उत्कृष्ट उदाहरण है। हम जीयो और जीने दो की भावना के साथ वन्यजीवों के संरक्षण के लिए कार्य कर रहे हैं। प्रदेश की धरती से 100 साल पहले हाथी लुप्त हो गए थे। अब इनकी संख्या तेजी से बढ़ी है। असम से जंगली भैंसे लाए गए हैं। भविष्य में गैंडे और किंग कोबरा जैसे जीवों को भी लाकर बसाया जाएगा। वनों की समृद्धि के लिए और पर्यटन से रोजगार के अवसर दिलवाने के लिए सरकार प्रयास कर रही है।

कैसा रहेगा रविवार को मौसम का मिजाज? कई राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट, गुजरात में बढ़ सकती है मुश्किल

Weather update for Sunday (August 2, 2026): भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, अगस्त महीने की शुरुआत के साथ ही देश भर में मानसून एक बार फिर पूरी तरह सक्रिय हो गया है। मध्य भारत में बने कम दबाव के क्षेत्र और पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) के प्रभाव से 2 अगस्त को देश के कई हिस्सों में झमाझम बारिश होने की संभावना है। पश्चिमी तटों, उत्तर भारत के पहाड़ी राज्यों और उत्तर-पूर्व (नॉर्थ-ईस्ट) के इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश को लेकर चेतावनी जारी की गई है।

 

तटीय कर्नाटक, केरल और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में मौसम विभाग ने इन क्षेत्रों में 2 अगस्त को भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। समुद्र में ऊंची लहरें और तेज हवाएं (40-50 किमी/घंटा) चलने के कारण मछुआरों को समुद्र में न जाने की सलाह दी गई है।

इन स्थानों पर हो सकती है मूसलाधार बारिश

गुजरात (सौराष्ट्र एवं कच्छ क्षेत्र सहित) में पिछले दिनों हुई अतिवृष्टि के बाद 2 अगस्त को भारी बारिश जारी रहने की संभावना है। मुंबई, ठाणे और तटीय महाराष्ट्र के इलाकों में ऑरेंज-येलो अलर्ट के बीच रुक-रुक कर मूसलाधार बारिश का अनुमान है। पूर्वोत्तर भारत के नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में में मूसलाधार बारिश के लिए ऑरेंज अलर्ट रहेगा। पहाड़ी राज्य हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, जम्मू-कश्मीर में रुक-रुक कर भारी बारिश और भूस्खलन की चेतावनी जारी की गई है। उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम, असम व मेघालय में भारी बारिश की चेतावनी के कारण सतर्कता बरतने को कहा गया है।

इन इलाकों में रहेगी बाढ़ की आशंका

गुजरात, सौराष्ट्र, कच्छ और कोंकण क्षेत्र के निचले इलाकों में पिछले दिनों हुई अत्यधिक बारिश के कारण नदियां उफान पर हैं। 2 अगस्त को भी इन इलाकों में फ्लैश फ्लड (अचानक बाढ़) और शहरी जलभराव का जोखिम बना रहेगा। असम, मेघालय, त्रिपुरा और मिजोरम के पहाड़ी और निचले इलाकों में भूस्खलन और नदियों के जलस्तर में वृद्धि के कारण अचानक बाढ़ आने की आशंका है। 

प्रमुख शहरों में कैसा रहेगा मौसम?

दिल्ली, नोएडा, गाज़ियाबाद और गुरुग्राम में आसमान में बादल छाए रहेंगे। कुछ इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश और आंधी की संभावना है। अधिकतम तापमान 33°-35°C के आसपास रहेगा और हवा में नमी होने से उमस महसूस हो सकती है। जबकि कोंकण तटबंध के कारण मुंबई और आसपास के क्षेत्रों में मध्यम से भारी बारिश जारी रहने का अनुमान है। लोकल ट्रेन सेवा और ट्रैफिक पर हल्का असर पड़ सकता है।

 

पश्चिम बंगाल, झारखंड, ओडिशा और बिहार के कई जिलों में 2 अगस्त से मानसून का नया स्पेल शुरू हो रहा है। कोलकाता, पटना और रांची में गरज-चमक के साथ मध्यम बारिश की संभावना है। पूर्वी राजस्थान (जैसे कोटा, जयपुर, उदयपुर) और पश्चिमी राजस्थान में तेज हवाओं (30-40 किमी/घंटा) के साथ भारी बारिश का अलर्ट है। बेंगलुरु में रुक-रुक कर झमाझम बारिश की पूरी संभावना है। चेन्नई में बादल छाए रहेंगे और कुछ हिस्सों में हल्की वर्षा दर्ज हो सकती है।

 

मौसम विभाग ने लोगों को सलाह दी है कि तटीय और पहाड़ी इलाकों में यात्रा से बचें। यदि बहुत जरूरी न हो, तो पहाड़ी क्षेत्रों में लैंडस्लाइड संभावित रास्तों और तटीय इलाकों की यात्रा टालें। 

 

आज 1 अगस्त भारी बारिश की चेतवानी: IMD ने 21+ राज्यों के लिए बारिश का अलर्ट दिया, दिल्ली-राजस्थान से गुजरात तक मौसम का रौद्र रूप

India Weather Today: शनिवार 1 अगस्त को देश के बड़े हिस्से में मानसून रौद्र रूप दिखाने वाला है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने अपने बुलेटिन में गुजरात, मुंबई, दिल्ली-एनसीआर, राजस्थान और बिहार समेत देश के 21 से अधिक राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में भारी से अत्यधिक भारी बारिश, थंडरस्क्वॉल और आंधी-तूफान की गंभीर चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग के मुताबिक पश्चिम विदर्भ और उससे सटे दक्षिण मध्य प्रदेश के ऊपर बना डिप्रेशन पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ रहा है। यह वेदर सिस्टम विदर्भ, दक्षिण मध्य प्रदेश और उससे सटे मध्य महाराष्ट्र से गुजरते हुए एक वेल-मार्क्ड लो प्रेशर एरिया में बदल जाएगा। इस मौसमी हलचल के प्रभाव से शनिवार को देश के मैदानी, तटीय और पहाड़ी इलाकों में तूफानी बारिश देखने को मिलेगी।

गुजरात में अत्यधिक भारी बारिश; जलभराव और ट्रैफिक ठप होने की आशंका

गुजरात क्षेत्र, सौराष्ट्र और कच्छ में 1 अगस्त को मौसम का सबसे ज्यादा असर पड़ेगा। आईएमडी ने इस पूरे इलाके में बेहद भारी से अत्यधिक भारी बारिश का अलर्ट दिया है। गुजरात के कुछ हिस्सों में 21 सेंटीमीटर से भी अधिक बारिश दर्ज की जा सकती है। इस मूसलाधार बारिश के चलते निचले इलाकों में बाढ़, गंभीर जलभराव और स्थानीय स्तर पर पानी भरने का खतरा है, जिससे सड़क और रेल यातायात बुरी तरह प्रभावित हो सकता है।

मुंबई और कोंकण-गोवा में बहुत भारी वर्षा; महाराष्ट्र के घाट इलाकों में अलर्ट

महाराष्ट्र के विभिन्न क्षेत्रों में बारिश को लेकर चेतावनी दी गई है। मुंबई समेत कोंकण और गोवा के तटीय इलाकों में बहुत भारी बारिश हो सकती है। घाट क्षेत्रों सहित मध्य महाराष्ट्र में बहुत भारी बारिश का पूर्वानुमान जताया गया है। मराठवाड़ा के छिटपुट इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है।

उत्तर भारत में मौसम का हाल: पूर्वी राजस्थान में बहुत भारी बारिश, दिल्ली में छाएंगे बादल

उत्तर और उत्तर-पश्चिम भारत के राज्यों में भी मानसून की तेज रफ्तार देखने को मिलेगी। पूर्वी राजस्थान में कई जगहों पर बहुत भारी बारिश होने की संभावना है। दिल्ली में आसमान में आमतौर पर बादल छाए रहेंगे। सुबह से दोपहर के बीच कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश के एक या दो दौर हो सकते हैं। दिल्ली में तापमान 24 से 34 डिग्री सेल्सियस के बीच रहेगा, जबकि दोपहर के समय दक्षिण-पूर्वी हवाएं 25 किमी प्रति घंटे की रफ्तार तक पहुंच सकती हैं।

जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़ और पश्चिम राजस्थान में पृथक स्थानों पर भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।

बिहार, बंगाल और पूर्वोत्तर भारत: मूसलाधार बारिश और 50 किमी/घंटे की आंधी

पूर्वी और पूर्वोत्तर भारत के राज्यों में मूसलाधार बारिश के साथ बिजली कड़कने की चेतावनी दी गई है। बिहार, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल व सिक्किम और अंडमान व निकोबार द्वीप समूह में भारी बारिश का अनुमान है। पूर्वी भारत के कई हिस्सों में गरज-चमक के साथ 30 से 40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलेंगी, जो बढ़कर 50 किमी प्रति घंटे तक पहुंच सकती हैं। अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में भारी वर्षा का अलर्ट जारी किया गया है।

दक्षिण भारत: इन इलाकों में टकराएगा थंडरस्क्वॉल, 70 किमी/घंटे की गति से चलेंगे झोंके

दक्षिण भारत के कई हिस्सों में बारिश के साथ-साथ तूफानी हवाओं का भयंकर प्रकोप देखने को मिल सकता है। तटीय कर्नाटक, केरल व माहे और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में अलग-अलग स्थानों पर बहुत भारी बारिश होने की संभावना है। उत्तर आंतरिक कर्नाटक, तमिलनाडु, पुडुचेरी और लक्षद्वीप में भारी बारिश का अनुमान है। उत्तर आंतरिक कर्नाटक में 50 से 60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज तूफानी हवाएं चलेंगी, जो झोंकों के साथ 70 किमी प्रति घंटे तक पहुंच सकती हैं। दक्षिण भारत के कई हिस्सों में गरज-चमक के साथ 60 किमी प्रति घंटे तक की रफ्तार वाली तूफानी हवाएं चलने की चेतावनी दी गई है।

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