अजिंक्य रहाणे ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को कहा अलविदा (Video)

भारतीय मध्यक्रम बल्लेबाज अजिंक्य रहाणे ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को अलविदा कह दिया है। अजिंक्य रहाणे लंबे समय से भारतीय टेस्ट टीम से बाहर थे ऐसे में वह कई बार कमेट्री बॉक्स में दिखते थे। वहीं फ्रैंचाइजी क्रिकेट में वह कोलकाता नाईट राइडर्स के कप्तान थे।38 वर्षीय अजिंक्य रहाणे ने पिछले 3 वर्षों से कोई टेस्ट मैच नहीं खेला है।रहाणे ने आखिरी बार भारत के लिये 2023 में वेस्टइंडीज के खिलाफ पोर्ट आफ स्पेन में खेला था।

टेस्ट टीम से बाहर होने के बाद से, रहाणे ने लगातार दो रणजी ट्रॉफ़ी सीजन में मुंबई का नेतृत्व किया है, जिसमें टीम ने 2023-24 में अपना 42वां खिताब जीता, जबकि 2024-25 में उपविजेता रही। वह सैयद मुश्ताक अली (टी20) खिताब जीतने वाली मुंबई टीम का भी हिस्सा थे।

रहाणे ने 2024-25 के रणजी सीज़न में 14 पारियों में 35.92 की औसत से एक अर्धशतक और एक शतक सहित 467 रन बनाए। वह निराशाजनक आईपीएल 2025 के दौरान कोलकाता नाइट राइडर्स (केकेआर) के लिए सबसे ज्यादा रन बनाने वाले खिलाड़ी थे, जहां उनकी टीम 10 टीमों में से आठवें स्थान पर रही। रहाणे ने 14 पारियों में 147.27 के स्ट्राइक रेट से 390 रन बनाए।

अजिंक्य रहाणे ने अपना टेस्ट पदार्पण साल 2013 में किया था। अभी तक वह कुल 85 टेस्ट खेल चुके हैं। इस दौरान उन्होंने 38.5 की औसत के साथ 5077 रन बनाए हैं, जिसमें 12 शतक और 26 अर्धशतक शामिल है।साल 2011 में अपने सफेद गेंद करियर का आगाज करने वाले अजिंक्य रहाणे अपना आखिरी टी-20 मैच साल 2016 के टी-20 विश्वकप सेमीफाइनल में खेल चुके थे जहां उनकी धीमी पारी ने टीम इंडिया का वेस्टइँडीज के खिलाफ खासा नुकसान किया था।इसके अलावा उन्होंने आखिरी वनडे 2018 में खेला था।

फील्डर ने उंगलियां चटकाकर मैच में किया चीटिंग! अंपायर ने दिया आउट, क्रिकेट का ये वीडियो कर देगा हैरान

इंग्लैंड के क्लब क्रिकेट में एक मैच के दौरान कथित तौर पर हैरान करने वाली घटना देखने को मिली है। एक फील्डर पर डोमेस्टिक मैच के दौरान उगंलिया चटकाकर चीटिंग करने का आरोप लगा है। फील्डर पर आरोप है कि जब गेंद बैट के पास से गुजरी तब फील्डर ने उंगलियां चटकाई। जिससे अंपायर को लगे की गेंद बल्ले से लगी है। इस घटना के सामने आने के बाद क्रिकेट जगत में इसकी काफी चर्चा हो रही है। ये घटना नॉर्थ यॉर्कशायर और साउथ डरहम लीग में साल्टबर्न क्रिकेट क्लब की सेकंड-XI और मिडिल्सब्रो क्रिकेट क्लब की सेकंड-XI के बीच हुए मैच के दौरान हुई।

इस विवाद के सामने आने के बाद लीग प्रशासन ने कहा कि मामले की जांच शुरू कर दी गई है और पूरी प्रक्रिया पूरी होने तक कोई आधिकारिक टिप्पणी नहीं की जाएगी।

वायरल हो रहा वीडियो

वायरल वीडियो में दिख रहा है कि, गेंद बल्लेबाज नोमान शब्बीर के बल्ले के बेहद करीब से निकलती है। इसी दौरान स्लिप में खड़ा साल्टबर्न का एक फील्डर उंगलियां चटकाता है, जिससे ऐसा लगता है कि गेंद बल्ले का किनारा लेकर गई है। इसके तुरंत बाद विकेटकीपर जोश बोवेस गेंद को कैच कर लेते हैं। इसके बाद साल्टबर्न की टीम के अपील करती है और अंपायर बल्लेबाज को आउट दे देते हैं। इस मुकाबले को साल्टबर्न ने 159 रन से जीता है।

जमकर हो रही आलोचना

इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया, जिसके बाद क्रिकेट प्रेमियों ने इसकी जमकर आलोचना की। वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर कई लोगों ने दावा किया कि उंगलियां चटकने की आवाज से अंपायर भ्रमित हो गए और उन्होंने बल्लेबाज को आउट दे दिया। यूजर्स ने कहा कि गेंद बल्ले से नहीं लगी थी, लेकिन आवाज के कारण गलत फैसला हो गया, जिसके चलते बल्लेबाज को पवेलियन लौटना पड़ा। कई यूजर्स ने इसे क्लब क्रिकेट में खेल भावना के खिलाफ बताया और इसे अब तक की सबसे विवादित घटनाओं में से एक करार दिया।

चोटिल भारतीय टेस्ट टीम, किन खिलाड़ियों को बोर्ड भेजेगा श्रीलंका दौरे पर

श्रीलंका के खिलाफ होने वाली 2 मैचों की टेस्ट सीरीज़ के लिए टीम का चयन जब चयनकर्ता करने बैठेंगे तो बड़ा सवाल यह होगा कि चोटिल खिलाड़ियों की लंबी फहरिस्त की जगह किसको शामिल किया जाए।मीडिया सूत्रों से आर रही खबरों के मुताबिक वॉशिंगटन सुंदर की फिटनेस पर सस्पेंस बरकरार है। श्रीलंका में स्पिन के मुफीद पिचों पर उनका ना रहना सही संकेत नहीं है।

वहीं तेज गेंदबाज हर्षित राणा भी फिट नहीं है। उनके ना रहने से टीम शायद उतनी चिंतित ना हो लेकिन जसप्रीत बुमराह की फिटनेस भी ठीक नहीं है जो घुटने की चोट के कारण अंतिम वनडे से बाहर बैठे थे।भारत 15 से 27 अगस्त के बीच गाले और कोलंबो में दो टेस्ट मैच खेलेगा और घोषणा मंगलवार को संभावित है।

BCCI (भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड) के सचिव देवजीत सैकिया ने बताया कि टीम में कुछ छोटे-मोटे बदलावों को छोड़कर, ज़्यादा बदलाव होने की संभावना नहीं है; यह टीम वैसी ही होगी जैसी जून में शुभमन गिल की कप्तानी में अफगानिस्तान के खिलाफ खेली थी। चयन मीटिंग में मुख्य ध्यान  इस बात पर होगा कि क्या जसप्रीत बुमराह को सीरीज़ के लिए चुना जाएगा या नहीं।

हालांकि उनके चुने जाने की संभावना है, और साथ ही मोहम्मद सिराज के भी, जिन्होंने बुमराह की गैर-मौजूदगी में अफगानिस्तान के खिलाफ गेंदबाजी की कमान संभाली थी, लेकिन सबसे अहम बात यह है कि क्या चयनकर्ता पिछले रणजी सीज़न में सबसे ज़्यादा विकेट लेने वाले आकिब नबी को टीम में मौका देंगे या नहीं।

इस बीच, खबर है कि नीतीश कुमार रेड्डी, जो जून में न्यू चंडीगढ़ टेस्ट के लिए टीम का हिस्सा थे, पिछले महीने लगी क्वाड्रिसेप्स की चोट के कारण बेंगलुरु के Centre of Excellence में rehabilitation से गुज़र रहे हैं और उनके चुने जाने की संभावना कम है। भारतीय टीम में शामिल कुछ चुनिंदा सभी प्रारुप के खिलाड़ियों में से एक, रेड्डी ने बेंगलुरु में गेंदबाजी शुरू कर दी है।

लेकिन सूत्रों का कहना है कि पांच दिन के मैचों के लिए उन पर विचार करना अभी जल्दबाजी होगी। हालांकि, उम्मीद है कि वह सितंबर में होने वाले कई सफेद गेंद मैचों के लिए तैयार हो जाएंगे। रेड्डी ने आखिरी बार जून में चेन्नई में अफगानिस्तान के खिलाफ तीसरे और आखिरी वनडे मैच में भारत के लिए खेला था।

वहीं एक खुशखबरी यह सुनाई दे रही है कि रविंद्र जड़ेजा लाल गेंद की क्रिकेट में टीम की योजनाओं में है।टेस्ट क्रिकेट में उनकी उपयोगिता को नकारा नहीं जा सकता। साल 2012 से शुरु हुआ रविंद्र जड़ेजा का क्रिकेट करियर अब ढलान पर है। 89 मैचों में उन्होंने 38.3 की औसत से 4095 रन बनाए हैं। जिसमें 6 शतक और 28 अर्धशतक लगाए हैं। गेंदबाजी की बात करें तो उन्होंने 25 की औसत से 348 विकेट चटकाए हैं। इस दौरान उन्होंने 17 बार 4 विकेट और 15 बार 5 विकेट चटकाए हैं।

‘रोहित शर्मा की बात पर नहीं था भरोसा… अब मांगी माफी’ संजू सैमसन ने ‘हिटमैन’ को लेकर किया बड़ा खुलासा

टी20 वर्ल्ड कप 2026 में संजू सैमसन ने शानदार प्रदर्शन किया था। लेकिन वर्ल्ड कप के शुरुआती मुकाबलो में संजू को मौका नहीं दिया गया था। टी20 वर्ल्ड कप 2026 से पहले न्यूजीलैंड के खिलाफ टी20 सीरीज में संजू सैमसन अच्छा प्रदर्शन नहीं कर पाए थे। इसके बाद उन्हें टूर्नामेंट के शुरुआती मैचों में भारत की प्लेइंग इलेवन में जगह नहीं मिली थी। उनकी जगह ईशान किशन को अभिषेक शर्मा के साथ ओपनिंग का मौका दिया गया। अब हाल ही में संजू ने खुलासा किया कि टी20 वर्ल्ड कप 2026 के दौरान प्लेइंग इलेवन से बाहर किए जाने के बाद वह काफी निराश थे।

उन्होंने बताया कि, उस समय पूर्व कप्तान रोहित शर्मा ने उनका हौसला बढ़ाने की कोशिश की, लेकिन शुरुआत में उन्हें रोहित की बातों पर भरोसा करना मुश्किल लग रहा था। बाद में उन्हें एहसास हुआ कि रोहित की सलाह उनके आत्मविश्वास को बनाए रखने के लिए थी।

रोहित की बात पर नहीं हुआ यकीन

संजू सैमसन ने JioStar से कहा की टी20 वर्ल्ड कप के दौरान रोहित शर्मा ने उनसे कहा, “निराश मत हो, भाई। ये लंबा टूर्नामेंट है। तुम्हें मौका जरूर मिलेगा और वह कभी भी आ सकता है।” संजू सैमसन ने बताया कि उस समय वह इतने निराश थे कि रोहित की बातों पर उन्हें भरोसा नहीं हो पाया। संजू ने आगे कहा, “सच कहूं तो उस वक्त मुझे उनकी बात पर यकीन नहीं हुआ। इसके लिए माफी चाहता हूं। हो सकता है उन्होंने अपने अनुभव और दिल से यह बात कही हो, लेकिन उस समय मैं वह नहीं देख पा रहा था, जो वह देख रहे थे।”

नहीं हो पाया नॉर्मल

केरल के बैट्समैन ने कहा कि वह काफी दिनों तक उदास रहे। संजू सैमसन ने कहा, “हमारा वर्ल्ड कप अभियान न्यूजीलैंड सीरीज खत्म होने के सिर्फ दो दिन बाद शुरू हो गया था। उस निराशा से बाहर आने में मुझे कम से कम एक हफ्ता लगा। मैं अपनी भावनाओं को छिपाने वाला इंसान नहीं हूं। अगर मैं पूरी तरह ठीक महसूस नहीं करता, तो वह मेरे चेहरे पर साफ नजर आता है। करीब चार-पांच दिन तक मैं उसी दौर से गुजरता रहा, उसके बाद ही खुद को संभाल पाया और फिर से सामान्य हो सका।”

खुद पर किया काम

संजू सैमसन ने आगे कहा, “जब आपको पता होता है कि आप असफल हो चुके हैं, तो उसके बाद आपके सामने सिर्फ आगे बढ़ने का रास्ता होता है। मैंने मानसिक रूप से खुद पर काम करना शुरू किया। मैंने खुद से सवाल पूछे कि मैं क्रिकेट क्यों खेलता हूं और मेरा असली मकसद क्या है। ऐसा लगा जैसे वर्ल्ड कप के दौरान मैं खुद को दोबारा पहचान रहा था। इसके बाद धीरे-धीरे सब कुछ फिर से सही होने लगा।”

बने प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट

जब संजू सैमसन को टीम में मौका मिला तो उन्होंने शानदार प्रदर्शन करके सबका भरोसा जीत लिया। उन्होंने पूरे टूर्नामेंट में दमदार बल्लेबाजी करते हुए पांच मैचों में 321 रन बनाए। इस दौरान उनका औसत 80.25 और स्ट्राइक रेट 199.37 रहा। संजू भारत के सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज बने और उनके शानदार प्रदर्शन के लिए उन्हें प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट चुना गया। इतना ही नहीं, उन्होंने पांच पारियों में 24 छक्के लगाकर टी20 वर्ल्ड कप के एक संस्करण में सबसे ज्यादा छक्के लगाने का नया रिकॉर्ड भी अपने नाम किया।

‘कैमरे के सामने कोई नहीं लड़ता’, रोहित-गंभीर के रिश्ते को लेकर अश्विन ने बताई ड्रेसिंग रूम के अंदर की बात!

भारत और इंग्लैंड के बीच तीन मैचों की वनडी सीरीज खत्म हो गई है। इंग्लैंड ने इस सीरीज को 2-1 से अपने नाम किया है। वहीं तीसरे और आखिरी मुकाबले से पहले लॉर्ड्स की बालकनी में गौतम गंभीर और रोहित शर्मा हंसते हुए बातचीत करते नजर आए थे। वहीं अब इस पर पूर्व भारतीय स्पिनर रविचंद्रन अश्विन पर बड़ा बयान दिया है। अश्विन के मुताबिक, मैदान पर रोहित शर्मा और गौतम गंभीर के हंसते-बात करते दिखने से ये नहीं माना जा सकता कि दोनों के बीच सब कुछ पूरी तरह नॉर्मल है।

उन्होंने कहा कि, भारतीय क्रिकेट टीम जैसे प्रोफेशनल माहौल में खिलाड़ी और सपोर्ट स्टाफ अच्छी तरह जानते हैं कि कैमरे हर समय उन पर नजर रखते हैं। ऐसे में वे सार्वजनिक तौर पर अपने व्यवहार को कंट्रोल में रखते हैं। इसलिए असली भावनाएं मुश्किल से ही बाहर आ पाती हैं।

अश्विन ने क्या कहा

पिछले कुछ समय से रोहित शर्मा और मुख्य कोच गौतम गंभीर के रिश्तों को लेकर कई तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं। कुछ रिपोर्ट्स में दोनों के बीच मतभेद और टीम में फैसलों को लेकर अलग-अलग राय होने की बातें सामने आई हैं। इसी बीच लॉर्ड्स टेस्ट के दौरान रोहित शर्मा और गौतम गंभीर को कई मौकों पर साथ हंसते और बातचीत करते देखा गया, जिसके बाद लोगों ने कयास लगाने शुरू कर दिए कि दोनों के बीच सब कुछ ठीक हो गया है। वहीं रविचंद्रन अश्विन के मुताबिक, किसी खिलाड़ी और कोच को साथ मुस्कुराते देखकर उनके रिश्तों के बारे में कोई पक्का निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता।

टकराव से बचते हैं

अश्विन ने अपने यूट्यूब चैनल पर कहा, “हर कोई प्रोफेशनल है। हर किसी को पता होता है कि कैमरे उनकी तरफ लगे हैं। कैमरे के सामने कोई बच्चों की तरह लड़ाई नहीं करता। सच तो यह है कि प्रोफेशनल माहौल में लोग इस तरह झगड़ते भी नहीं हैं। अगर दो लोगों के बीच सब कुछ ठीक नहीं भी हो, तो वे बस कम बात करते हैं, लेकिन टकराव से बचते हैं। आखिर बेवजह विवाद क्यों किया जाए?” उन्होंने आगे कहा, “अगर आप अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं, तो आपको कौन रोक सकता है? विराट कोहली ने प्रदर्शन किया, रोहित शर्मा ने भी प्रदर्शन किया और अपना काम किया। इसके बाद किसी के पास कहने के लिए ज्यादा कुछ नहीं बचता।”

गौतम गंभीर और विराट कोहली के रिश्तों को लेकर भी समय-समय पर कई तरह की चर्चाएं होती रही हैं। लेकिन सार्वजनिक कार्यक्रमों और मैचों के दौरान दोनों कई बार नॉर्मल अंदाज में साथ नजर आए हैं। इसी बीच रोहित टेस्ट क्रिकेट से संन्यास ले चुके हैं और अब वह सिर्फ वनडे क्रिकेट में बतौर खिलाड़ी टीम का हिस्सा हैं।

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3 मैचों की ODI सीरीज में नाबाद रहे जो रूट, 260 गेंदो में बनाए 249 रन

भारत के खिलाफ जो रूट इतनी बेहतरीन तरीके से खेले कि वह 3 मैचों में एक भी बार आउट नहीं हुए और कुल 260 गेंदों में 249 रन बनाए। दूसरे मैच में जो रुट ने एकदिवसीय प्रारुप में टेस्ट क्रिकेट का मुजायरा पेश किया था वहीं तीसरे मैच में उन्होंने 170 की स्ट्राइक रेट से 48 गेंदो में 74 रनों की पारी खेली। इस पारी में उन्होंने कुल 9 चौके लगाए थे। यही कारण रहा कि उन्हें मैन ऑफ द सीरीज का पुरुस्कार मिला।

दूसरे मैच में 99 रनों पर नाबाद जो रूट शतक से महरूम रह गए लेकिन लगातार 2 एकदिवसीय मैच में वह अपनी टीम की इज्जत बचा गए वह भी बिना आउट हुए। इस पारी के लिए उनको मैन ऑफ द मैच का अवार्ड दिया गया। पहले मैच में उन्होंने 79 रनों की नाबाद पारी खेली थी।

यही नहीं वह लगातार 6 पारियों में हर पारी में 50 प्लस का स्कोर बनाने वाले बल्लेबाज भी बन गए हैं। इसके अलावा उन्होंने इंग्लैंड की ओर से सबसे ज्यादा मैन ऑफ द सीरीज जीतने का रिकॉर्ड भी बना लिया है। उन्होंने कल 13वीं बार मैन ऑफ द सीरीज का अवार्ड पाया है।

भारतीय गेंदबाजों ने इन तीन मैचों में उनके खिलाफ करीब 43.2 ओवर गेंदबाजी की। लेकिन इन 260 गेंदों में एक बार भी जो रूट को परेशानी में नहीं डाल पाए। पहले दो एकदिवसीय मैचों में उन्होंने दूसरे छोर पर विकेट के पतन के बीच बल्लेबाजी की जबकि तीसरे एकदिवसीय मैच में उन पर दबाव कम था और कुछ टी-20 के दर्शनीय शॉट्स लगाए।

IND vs ENG: ‘शोर नहीं होगा तो मजा नहीं आएगा’, रिटायरमेंट की अफवाहों पर रोहित शर्मा ने तोड़ी चुप्पी

IND vs ENG: भारत और इंग्लैंड के बीच 3 मैचों की वनडे सीरीज को इंग्लैंड ने 2-1 से अपने नाम किया है। वहीं लॉर्ड्स में वनडे से पहले रोहित शर्मा के संन्यास को लेकर कई तरह की चर्चाएं चल रही थीं। तीसरे मुकाबले में रोहित शर्मा ने 110 गेंदों में 138 रन की तूफानी पारी खेली है। वहीं मैच के बाद ने रोहित ने अपने रिटायरमेंट की खबरों रिएक्शन दिया है। जब रोहित से इन अफवाहों पर सवाल किया गया तो उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा, “शोर नहीं होगा तो मजा भी नहीं आएगा।”

भारत सीरीज हार गई लेकिन रोहित ने शानदार शतक जड़कर ये साफ कर दिया कि वह अभी वनडे क्रिकेट से विदाई लेने के मूड में नहीं हैं। टीम के लिए बड़ी पारियां खेलने का दम रखते हैं।

रिटायमेंट पर रोहित ने क्या कहा

रोहित ने BCCI.tv से कहा, “मेरा काम मेरे बल्ले से जवाब देना है। मैदान पर उतरकर देश का प्रतिनिधित्व करना ही मेरी जिम्मेदारी है और डेब्यू के दिन से मैं यही करता आ रहा हूं।” उन्होंने आगे कहा, “जब से मैंने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेलना शुरू किया है, तब से मेरे बारे में बातें होती रही हैं और जब तक मैं खेलूंगा, यह सिलसिला चलता रहेगा। मुझे इन बातों से कोई खास फर्क नहीं पड़ता। मेरे लिए सबसे अहम यह है कि मैं मैदान पर अच्छा प्रदर्शन करूं और टीम की जीत में अपना योगदान दूं।”

 

आलोचकों को दिया ये जवाब

रोहित शर्मा ने साफ किया कि वह आलोचनाओं और अफवाहों को किस तरह देखते हैं। रोहित शर्मा ने कहा, “जब शोर नहीं होता, तो मजा नहीं आता। मेरा काम मैदान के अंदर अपना खेल दिखाना है, जबकि बाहर क्या बातें होती हैं, वह लोगों का काम है। मैं हमेशा इसे इसी नज़रिए से देखता हूं।” रोहित शर्मा को लेकर आगे भी तरह-तरह की चर्चाएं और सवाल उठते रह सकते हैं, लेकिन लॉर्ड्स में उनकी शानदार बल्लेबाजी ने साफ कर दिया कि वह अभी भी भारतीय टीम के लिए बड़ी पारियां खेलने का दम रखते हैं

2027 वर्ल्ड कप जीतना है भारत का लक्ष्य

अब रोहित शर्मा का पूरा ध्यान वनडे क्रिकेट पर है और उनकी सबसे बड़ी मंजिल 2027 वनडे वर्ल्ड कप मानी जा रही है। 2023 वर्ल्ड कप फाइनल में मिली हार का दर्द आज भी उनके साथ जुड़ा हुआ है। उस हार के बाद वह काफी निराश हो गए थे और खुद को संभालने में उन्हें काफी समय लगा। रोहित शर्मा टी20 वर्ल्ड कप जीतने के बाद टी20 से संन्यास ले लिया और फिर टेस्ट क्रिकेट को भी अलविदा कह दिया। अब उनका पूरा फोकस सिर्फ वनडे क्रिकेट पर है। माना जा रहा है कि रोहित की सबसे बड़ी कोशिश 2027 वनडे वर्ल्ड कप में भारत को चैंपियन बनाना है, ताकि वह अपने करियर का सबसे बड़ा अधूरा सपना पूरा कर सकें।

रोहित ने खेली शानदार पारी

रोहित शर्मा ने अपनी फिटनेस पर भी काफी मेहनत की है। रोहित ने करीब 10 किलो वजन घटाया, जिससे साफ पता चलता है कि वह अभी भी लंबे समय तक भारतीय टीम के लिए खेलना चाहते हैं। 388 रन के मुश्किल लक्ष्य का पीछा करते हुए रोहित शर्मा ने शानदार बल्लेबाजी का प्रदर्शन किया। उन्होंने शुरुआत में संभलकर खेला और फिर अपने आक्रामक अंदाज में इंग्लैंड के गेंदबाजों पर दबाव बना दिया। रोहित ने मैदान के चारों ओर बेहतरीन शॉट लगाए और तेजी से रन बटोरे। उन्होंने 125 से ज्यादा के स्ट्राइक रेट से 138 रन की शानदार पारी खेली, जिसमें 17 चौके और 5 छक्के शामिल रहे। उनकी यह पारी भारत की उम्मीदों को काफी देर तक जिंदा रखे रही, लेकिन बाद में वह जैकब बेथेल की गेंद पर आउट हो गए।

कार्डिफ में खेले गए दूसरे वनडे में भारत की हार के बाद रोहित शर्मा के वनडे क्रिकेट से रिटायरमेंट लेने की चर्चा काफी बढ़ गई थी। कई रिपोर्ट्स में कहा गया कि, लॉर्ड्स वनडे उनके करियर का आखिरी मैच हो सकता है। वहीं, बीसीसीआई ने इन खबरों को गलत बताते हुए किसी भी तरह की रिटायरमेंट की बात से इनकार कर दिया था।

Rohit Sharma Retirement: क्या लॉर्ड्स वनडे होगा हिटमैन का आखिरी मैच? BCCI के फैसले से बढ़ी हलचल

Rohit Sharma Retirement: क्या भारतीय क्रिकेट टीम का एक और शानदार दौर खत्म होने वाला है? PTI की एक रिपोर्ट के मुताबिक, रविवार को लॉर्ड्स में भारत और इंग्लैंड के बीच खेला जाने वाला तीसरा वनडे इंटरनेशनल क्रिकेट में रोहित शर्मा का आखिरी मैच हो सकता है, क्योंकि नेशनल सिलेक्शन कमिटी के UK में चल रही मौजूदा सीरीज के बाद इस शानदार व्हाइट-बॉल खिलाड़ी को टीम में शामिल करने की उम्मीद कम लग रही है। बता दें कि रोहित शर्मा ने अपने पिछले 8 वनडे मैचों में कुल 241 रन बनाए हैं, जिसमें उनका औसत 30.1 और स्ट्राइक रेट 88.6 का रहा है। उन्होंने इस दौरान एक हाफ-सेंचुरी भी लगाई है।

सिलेक्टरों के चेयरमैन अजीत अगरकर टूरिंग सेलेक्टर के तौर पर कार्डिफ में हैं, और यह साफ है कि सेलेक्टर अगले साल होने वाले वनडे वर्ल्ड कप के लिए 39 साल के, दो बार ICC ट्रॉफी जीतने वाले भारतीय कप्तान पर विचार नहीं कर रहे हैं।

PTI से बातचीत में BCCI के एक वरिष्ठ अधिकारी ने नाम न बताने की शर्त पर कहा, “नेशनल सेलेक्टर चाहते हैं कि यशस्वी जायसवाल, जिन्होंने तीन पारियों में दो शतक लगाए हैं, उन्हें ज्यादा मौके मिलें। लगभग 20 मैच होने हैं, और जायसवाल को वे 20 मैच मिलने चाहिए।

अधिकारी ने कहा, “कोई भी रोहित को रिटायर होने के लिए नहीं कह सकता, लेकिन यह बिल्कुल साफ है कि सितंबर में वेस्टइंडीज के खिलाफ होने वाली घरेलू सीरीज को देखते हुए, सेलेक्टर आगे की ओर देखना चाहेंगे। रोहित का भविष्य क्या होगा, यह फैसला उन्हें ही लेना है।”

रोहित शर्मा सिलेक्टर्स के फैसले से खुश नहीं

वहीं, रोहित शर्मा अभी भी भारत के लिए वनडे क्रिकेट खेलना चाहते हैं और उनका सबसे बड़ा लक्ष्य 2027 वनडे वर्ल्ड कप खेलना है। हालांकि, रिपोर्ट्स के मुताबिक, अजीत अगरकर की अगुवाई वाली भारतीय चयन समिति ने आगे बढ़ने का फैसला कर लिया है। समिति ने कथित तौर पर रोहित शर्मा और टीम के मुख्य कोच गौतम गंभीर को भी इस योजना की जानकारी दे दी है।

रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि रोहित शर्मा इस फैसले से खुश नहीं हैं। उन्होंने इंग्लैंड में चल रही वनडे सीरीज के दौरान BCCI अधिकारियों से इस मुद्दे पर बातचीत भी की है।

विराट कोहली के बारे में क्या?

यह बताना जरूरी है कि हेड कोच गौतम गंभीर और अगरकर इस बात पर सहमत हैं कि अपनी फ़ॉर्म और फिटनेस को देखते हुए विराट कोहली का टीम में चुना जाना तय है, जबकि रोहित के मामले में ऐसा नहीं है।

माना जा रहा है कि अगर इंग्लैंड सीरीज के बाद भी रोहित को टीम में बनाए रखा जाता है, तो जायसवाल- जो उनके बाद टीम में आने के लिए तैयार हैं – का कीमती खेलने का समय जाहिर तौर पर बर्बाद होगा। यह भी ध्यान देने वाली बात है कि टेस्ट से संन्यास लेने के मामले में सिलेक्शन कमिटी और रोहित की राय एक जैसी नहीं थी।

हालांकि, सिलेक्शन कमिटी के करीबी सूत्रों का कहना था कि वे नहीं चाहते थे कि रोहित इंग्लैंड में होने वाले पांच टेस्ट मैचों में से सिर्फ दो मैच खेलने के बाद कोई फैसला लें, लेकिन रोहित के पक्ष को जानने वालों का कहना है कि उनका इरादा कभी भी सिर्फ दो मैच खेलने का नहीं था और वे पूरी सीरीज के लिए उपलब्ध थे।

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रोहित शर्मा की विदाई लगभग तय, लॉर्ड्स में हो सकता है अंतिम वनडे

ENGvsIND इंग्लैंड की 2 पारियों में फ्लॉप होने के बाद रोहित शर्मा के लिए वह घड़ी आ गई है जब वह या तो खुद से बल्ला टांगेंगे या फिर अगली सीरीज से ड्रॉप होंगे। मीडिया सूत्रों में चल रही खबरों के मुताबिक चयनकर्ताओं ने उनको बता दिया है कि वह एकदिवसीय विश्वकप 2027 के लिए टीम की योजनाओं में नहीं है। 

रोहित शर्मा ने इंग्लैंड के खिलाफ पहले एकदविसीय मैच में 21 गेंदो में 11 रन बनाए थे। आज दूसरे एकदिवसीय मैच में 47 गेंद में 1 चौका और छक्का मारने के बाद 26 रन बनाकर आउट हुए। उनका 5 रनों पर गस एटिंकसन ने कैच छोड़ा था। 

रोहित ने कप्तानी गंवाने के बाद अपने आक्रामक रवैए पर अंकुश लगाया लेकिन उन्हें अभी तक इससे खास फायदा नहीं हुआ है।रोहित ने पिछले साल अक्टूबर से 13 वनडे मैच खेले हैं, जिसमें उन्होंने एक शतक और चार अर्धशतकों की मदद से 46.91 के औसत से 563 रन बनाए हैं।यह कोई मामूली रिकॉर्ड नहीं है। लेकिन भारतीय ड्रेसिंग रूम के मौजूदा हालात ने रोहित के लिए लगभग हर मैच में अच्छा प्रदर्शन करना अनिवार्य बना दिया है।

रोहित अब इस स्थिति में है कि वह किसी भी चीज को भाग्य के सहारे नहीं छोड़ सकते हैं क्योंकि भारत के शीर्ष क्रम में इशान किशन के रूप में विकल्प मौजूद है।अफगानिस्तान के खिलाफ तीसरे एकदिवसीय मैच को छोड़ दे तो इस साल रोहित का प्रदर्शन औसत से नीचे रहा है।पहले मैच में वह 16 रन बनाकर रनआउट हो गए और दूसरे मैच में वह 39 गेंदों में 48 रन बनाकर बोल्ड हो गए।

इससे पहले न्यूजीलैंड के खिलाफ पहली एकदिवसीय सीरीज में रोहित शर्मा फ्लॉप रहे और टीम को शुरुआत में बड़ा स्कोर नहीं दे सके। रोहित शर्मा 3 मैचों में 20 की औसत से 61 रन बना पाए। पूरी सीरीज में उन्होंने 9 चौके और 2 छक्के लगाए।पहले मैच में उन्होंने 29 गेंदो पर 26 रन, दूसरे मैच में उन्होंने 38 गेंदो में 24 रन और तीसरे मैच में 13 गेंदो में 11 रन बनाए।

विराट और श्रेयस के अर्धशतक के बावजूद भारत इंग्लैंड के खिलाफ 233 रनों पर सिमटा

 

ENGvsIND श्रेयस अय्यर (66) और विराट कोहली (65) के अर्धशतकों से भारत ने इंग्लैंड के खिलाफ गुरूवार को दूसरे वनडे में 44 ओवर में 233 रन का स्कोर बनाया। इंग्लैंड ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया। भारतीय टीम के मध्यक्रम ने पूरी तरह से निराश किया है।

अक्षर पटेल, वॉशिंगटन सुन्दर और शिवम दुबे के विकेट गुच्छों में गिरे। उससे पहले ऐसा प्रतीत हो रहा था कि भारतीय टीम आसानी से 300 के स्कोर को पार कर सकती है। हालांकि जोफ़्रा आर्चर, साकिब महमूद और गस एटकिंसन ने कमाल का काउंटर अटैक किया। कोहली के विकेट पतन के बाद सबसे बड़ी साझेदारी 20 रनों की हुई, जो श्रेयस और बुमराह के बीच हुई। परिणाम यह रहा कि भारतीय टीम एक सम्मानजनक स्कोर से भी थोड़ी सी दूर रह गई।

श्रेयस ने 71 गेंदों पर 66 रन की पारी में पांच चौके और दो छक्के लगाए जबकि विराट कोहली ने 66 गेंदों पर 65 रन में आठ चौके लगाए। कप्तान शुभमन गिल ने 33 और ओपनर रोहित शर्मा ने 26 रन का योगदान दिया। जसप्रीत बुमराह ने 13 गेंदों पर तीन चौकों और एक छक्के की मदद से 20 रन बनाकर भारत को 233 तक पहुंचाया। यह मेन इन ब्लू की तरफ से सबसे भरोसेमंद बैटिंग नहीं थी।

शुभमन गिल ने तेज़ शुरुआत दी, लेकिन रोहित शर्मा लय में नहीं दिखे और कुछ शुरुआती राहत मिलने के बावजूद इसका फ़ायदा नहीं उठा पाए। विराट कोहली ने एक अच्छी हाफ सेंचुरी के साथ पारी को संभाला, जबकि श्रेयस अय्यर ने एक कीमती पारी खेलकर भारत को एक सम्मानजनक टोटल तक पहुंचाया।

जसप्रीत बुमराह ने कुछ ज़रूरी रन जोड़े, जिससे भारत को आखिर में एक और धक्का मिला। इंग्लैंड की बॉलिंग पूरी टीम की परफॉर्मेंस थी। जोफ्रा आर्चर ने तीन अहम विकेट लेकर लीड किया, जबकि गस एटकिंसन ने भी तीन विकेट लेकर उनकी बराबरी की। साकिब महमूद ने भी दो विकेट लिए, जिससे यह पक्का हो गया कि भारत कभी भी कोई मोमेंटम न बना पाए। पहली पारी में पेसरों ने नौ विकेट लिए।