15 अगस्त 2026: स्कूल या कॉलेज में भाषण देना है? चुनें ये 5 दमदार टॉपिक्स

The image shows a school student delivering a speech from a podium, with the Tricolour in the background and the Red Fort, India Gate, and Qutub Minar visible on the other side.

15 अगस्त आने वाला है। इस बार भारत अपना 80वां स्वतं‍त्रता दिवस मनाने जा रहा है। स्कूल और कॉलेजों में सांस्कृतिक कार्यक्रम को लेकर तैयारियां प्रारंभ हो गई है। यदि आप भी अपने स्कूल या कॉलेज में भाषण प्रतियोगिता में हिस्सा ले रहे हैं तो यहाँ 15 अगस्त को स्कूल या कॉलेज में भाषण देने के लिए 5 प्रासंगिक और प्रभावशाली टॉपिक्स दिए गए हैं।

 

1. “विकसित भारत @2047: हमारी सोच, हमारी ज़िम्मेदारी”

विषय: 2047 में भारत अपनी स्वतंत्रता के 100 वर्ष पूरे करेगा।

प्रमुख बातें: स्वतंत्रता सेनानियों के सपनों के भारत को साकार करने में आज की युवा पीढ़ी का योगदान, शिक्षा, तकनीक और स्वच्छता में हमारी व्यक्तिगत ज़िम्मेदारी।

किसके लिए उपयुक्त: कॉलेज छात्र या सीनियर स्कूल छात्र।

 

2.”आज़ादी का वास्तविक अर्थ: अधिकार या कर्तव्य?”

विषय: सिर्फ़ मौलिक अधिकार माँगना ही आज़ादी नहीं है, बल्कि नागरिक कर्तव्यों का पालन करना भी स्वतंत्रता को बनाए रखने का आधार है।

प्रमुख बातें: यातायात नियमों का पालन, पर्यावरण संरक्षण, सार्वजनिक संपत्ति की सुरक्षा और जिम्मेदार डिजिटल नागरिक बनना।

किसके लिए उपयुक्त: स्कूल और कॉलेज दोनों के विद्यार्थियों के लिए।

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3.”डिजिटल क्रांति से आत्मनिर्भर भारत: युवाओं की भूमिका”

विषय: आधुनिक दौर में भारत का तकनीकी और आर्थिक रूप से सशक्त होना।

प्रमुख बातें: यूपीआई (UPI), लोकल फ़ॉर वोकल, स्टार्ट-अप कल्चर और साइंस/तकनीक के क्षेत्र में भारत की वैश्विक पहचान।

किसके लिए उपयुक्त: कॉलेज या टेक-ओरिएंटेड छात्रों के लिए।

 

4.”गुमनाम नायकों को नमन: स्वतंत्रता संग्राम के अनदेखे पन्ने”

विषय: भगत सिंह, गांधीजी या नेहरू जी के अलावा उन अनगिनत स्वतंत्रता सेनानियों की गाथा जिन्होंने देश के लिए बलिदान दिया।

प्रमुख बातें: जनजातीय नायक (जैसे बिरसा मुंडा), महिला क्रांतिकारी और स्थानीय वीरों के योगदान को याद करना।

किसके लिए उपयुक्त: स्कूल के छात्रों (मिडिल और हाई स्कूल) के लिए।

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5.”विविधता में एकता: भारत की सबसे बड़ी ताक़त”

विषय: विभिन्न भाषाओं, धर्मों और संस्कृतियों के बावजूद देश का एक सूत्र में बँधे रहना।

प्रमुख बातें: समाज में भाईचारा, सहिष्णुता और राष्ट्रीय एकता का संदेश देने वाला पारंपरिक और सदाबहार विषय।

किसके लिए उपयुक्त: किसी भी वर्ग/कक्षा के छात्रों के लिए।

 

भाषण की शुरुआत और अंत के लिए सुझाव:

शुरुआत: किसी देशभक्ति शायरी या जोशीले नारे से करें (जैसे: “कुछ नशा तिरंगे की आन का है, कुछ नशा मातृभूमि की शान का है…”)।

अंत: हमेशा भविष्य के सकारात्मक दृष्टिकोण और “जय हिंद, जय भारत!” के नारे के साथ करें।

भारतीय रिजर्व बैंक के मैनेजर ईशान किशन दिखे कॉर्पोरेट लुक में (Pics)

भारत के बाएं हाथ के बल्लेबाज ईशान किशन भारतीय रिजर्व बैंक के सहायक प्रबंधक भी हैं। लेकिन व्यस्तता के चलते कभी दफ्तर नहीं जा पाते। ईशान किशन का अगस्त का कैलेंडर खाली है क्योंकि भारतीय टीम को टेस्ट मैच खेलना है और दिलीप ट्रॉफी शुरु होने में समय है।

इस कारण से ईशान किशन ने अपने गृहनगर पटना में ही भारतीय रिजर्व बैंक के दफ्तर में समय व्यतीत किया। इस दौरान ईशान किशन भारतीय रिजर्व बैंक का आई कार्ड अपने गलें में टांगकर दफ्तर में मौजूद रहे। उनका पहनावा मैदान के इतर फॉर्मल पैंट शर्ट थे।

ईशान किशन को दफ्तर में पाकर क्रिकेट में दिलचस्पी रखने वाले कई प्रशंसक उनके करीब पहुंचे और उनके साथ में फोटो भी खिंचवाई। गौरतलब है कि ईशान किशन टी-20 विश्वकप विजेता टीम का हिस्सा हैं और इस प्रारुप के नंबर 1 रैंक के बल्लेबाज भी हैं।

विकेटकीपर-बल्लेबाज़ ईशान किशन इस प्रतिष्ठित इंटर-ज़ोनल रेड-बॉल टूर्नामेंट में 15 सदस्यों वाली टीम की कप्तानी करेंगे। यह टूर्नामेंट 23 अगस्त को बेंगलुरु में शुरू होगा।

स्पेसएक्स का 4000 किलो वजनी रॉकेट चांद से टकराया:8,690 kmph की रफ्तार से अंतरिक्ष में घूम रहा था; NASA ने कहा- धरती को खतरा नहीं

इलॉन मस्क की कंपनी स्पेसएक्स का एक बेकाबू रॉकेट चांद की सतह से टकरा गया है। 4 हजार किलो वजनी और करीब 5 मंजिला इमारत जितना बड़ा यह रॉकेट करीब 8,690 किमी/घंटा की रफ्तार से टकराया। नासा ने कहा कि इस टक्कर से पृथ्वी को कोई खतरा नहीं है। हालांकि इस टक्कर की पुष्टि तस्वीरों के आने के बाद होगी। यह बेकाबू टुकड़ा स्पेसएक्स के फाल्कन 9 रॉकेट का ऊपरी हिस्सा है। इसे जनवरी 2025 में फ्लोरिडा से अमेरिका और जापान के दो लूनर लैंडर को अंतरिक्ष में भेजने के लिए लॉन्च किया गया था। मिशन पूरा होने के बाद रॉकेट का यह हिस्सा अंतरिक्ष में तैरता रह गया। पिछले 18 महीनों के दौरान पृथ्वी, चंद्रमा और सूर्य के गुरुत्वाकर्षण की वजह से इसका रास्ता धीरे-धीरे बदल गया। खगोलविदों ने डेटा का अध्ययन करके पहले ही अनुमान लगा लिया था कि यह रॉकेट भटककर सीधे चांद की ओर जा रहा है और उससे टकराएगा। आइंस्टीन क्रेटर के पास टक्कर हुई, दूरबीन से भी देखना मुश्किल यह टक्कर चांद के ‘आइंस्टीन क्रेटर’ के पास हुई। यह क्षेत्र चांद के उस हिस्से में है जहां दिन का उजाला रहता है और जो पृथ्वी से दिखाई देता है। हालांकि, वैज्ञानिकों के मुताबिक इसे आम टेलिस्कोप से देखना नामुमकिन था, क्योंकि टक्कर के वक्त बनी रोशनी बेहद हल्की थी। कैम्ब्रिज यूनिवर्सिटी के खगोलविद डॉ. मैट बोथवेल का कहना है कि टक्कर के कारण चांद की धूल का एक बड़ा गुबार उठा होगा, जो 100 किलोमीटर तक ऊपर गया होगा और कई मिनटों तक रहा होगा। तस्वीरों के लिए इंतजार करना होगा, ऑर्बिटर जारी करेंगे डेटा फिलहाल जब यह हादसा हुआ, तब चांद का चक्कर लगा रहा कोई भी स्पेसक्राफ्ट सही पोजिशन में नहीं था, इसलिए लाइव तस्वीरें नहीं मिल पाई हैं। दक्षिण कोरिया का ‘दानुरी’ ऑर्बिटर और नासा का ‘लूनर रिकोनिसेंस ऑर्बिटर’ (LRO) आने वाले दिनों में टक्कर वाली जगह के ऊपर से गुजरेंगे और तस्वीरें लेंगे। वैज्ञानिक पुरानी और नई तस्वीरों की तुलना करके चांद की सतह पर बने नए निशान की पहचान करेंगे। चांद पर पहले से मौजूद है 190 टन कचरा इस टक्कर के बाद चांद पर इंसानों की छोड़ी गई या दुर्घटनाग्रस्त हुई चीजों की संख्या बढ़कर लगभग 3,000 हो गई है। इनका कुल वजन करीब 190 टन हो चुका है। सितंबर 1959 में सोवियत संघ का ‘लूना 2’ चांद की सतह पर पहुंचने वाला पहला मानव निर्मित ऑब्जेक्ट था। इसके अलावा नासा के अकेले अपोलो प्रोग्राम से जुड़ी 796 चीजें चांद पर मौजूद हैं। चांद पर कोई वायुमंडल या पर्यावरण नहीं है, इसलिए इस कचरे से वहां किसी ईकोसिस्टम को नुकसान नहीं पहुंचता। हालांकि, वैज्ञानिक चिंतित हैं कि भविष्य में बढ़ते लूनर ट्रैफिक के कारण ऐतिहासिक अपोलो लैंडिंग साइट्स को नुकसान न पहुंचे और नए स्पेसक्राफ्ट्स के टकराने का जोखिम न बढ़े। NASA और वैज्ञानिकों को इस टक्कर से क्या फायदा होगा? साइंस म्यूजियम की स्पेस हेड लिब्बी जैक्सन के अनुसार, यह वैज्ञानिकों के लिए काफी रोमांचक प्रयोग है क्योंकि रॉकेट की स्पीड, वजन और आकार का डेटा पहले से मौजूद था। आमतौर पर जब कोई प्राकृतिक उल्कापिंड चांद से टकराता है, तो वैज्ञानिकों के पास उसका शुरुआती डेटा नहीं होता। इस टक्कर से बने नए गड्ढे और उड़ी हुई धूल की परत का अध्ययन करके वैज्ञानिक यह समझ सकेंगे कि अरबों साल पहले चांद और हमारे सौर मंडल का निर्माण कैसे हुआ था। इधर ऊपरी हिस्सा टकराया, उधर 18वीं बार उड़ने को तैयार बूस्टर स्पेसएक्स के फाल्कन 9 रॉकेट का निचला हिस्सा रीयूजेबल होता है। इसे बूस्टर कहते हैं और लैंडिंग करके धरती पर वापस आ जाता है। जिस जनवरी 2025 वाले मिशन का ऊपरी हिस्सा भटककर चांद से टकराया, उसी रॉकेट के निचले बूस्टर को 10 अगस्त को 18वीं बार लॉन्च किया जाएगा। नॉलेज पार्ट: जानें क्या है स्पेस डैब्रिस और आइंस्टीन क्रेटर… इंसान द्वारा अंतरिक्ष में भेजे गए रॉकेट्स के छूटे हुए टुकड़े, निष्क्रिय सैटेलाइट्स और मलबे को स्पेस डैब्रिस कहा जाता है। वहीं चंद्रमा के पश्चिमी किनारे पर स्थित एक बड़ा गड्ढा है, जिसका व्यास करीब 170 किलोमीटर है। इसे आइंस्टीन क्रेटर नाम दिया गया है। —————————————- ये खबर भी पढ़े… हजारों वॉट्सएप अकाउंट अचानक बंद, मैसेज आया- अंडर रीव्यू:बिना वार्निंग सभी फीचर्स ब्लॉक, कंपनी बोली- कभी-कभी गलती हो जाती है मैसेजिंग एप वॉट्सएप ने भारत समेत कुछ अन्य देशों में हजारों यूजर्स के अकाउंट 24 घंटे के लिए रीव्यू में डाल दिए हैं। इस दौरान एप के सभी मैसेजिंग और कॉलिंग फीचर्स को ब्लॉक कर दिया गया। पूरी खबर पढ़े…

Ajit Agarkar: खतरे में है अजीत अगरकर की कुर्सी? ये दिग्गज खिलाड़ी ले सकता है जगह

भारतीय पुरुष क्रिकेट टीम के चीफ सिलेक्टर्स अजीत अगरकर का कार्यकाल सितंबर 2026 में खत्म हो जाएगा। वहीं ऐसी खबरें है कि अजीत अगरकर को टीम इंडिया के चीफ सेलेक्टर पद से हटाया जा सकता हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, बीसीसीआई उनके कार्यकाल को आगे बढ़ाने के मूड में नहीं दिख रही है। बीसीसीआई अगरकर की जगह वीवीएस लक्ष्मण को चीफ सिलेक्टर्स बना सकती है। पूर्व भारतीय बल्लेबाज वीवीएस लक्ष्मण का नाम सबसे प्रमुख दावेदारों में लिया जा रहा है। फिलहाल लक्ष्मण बेंगलुरु स्थित बीसीसीआई के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में क्रिकेट प्रमुख की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। वहीं बोर्ड ने अभी तक इस मामले में कोई आधिकारिक बयान या घोषणा नहीं की है।

अजीत अगरकर की होगी छुट्टी!

दैनिक जागरण की रिपोर्ट के अनुसार, भारत के हालिया इंग्लैंड दौरे के दौरान हुई कुछ घटनाओं के बाद बीसीसीआई ने अजीत अगरकर का कार्यकाल 2027 वनडे वर्ल्ड कप तक बढ़ाने के फैसले पर दोबारा विचार करना शुरू कर दिया है। पहले माना जा रहा था कि उनका कार्यकाल आगे बढ़ाया जाएगा, लेकिन अब इस संभावना पर संशय जताया जा रहा है।

एनुअल जनरल मीटिंग में होगा फैसला

रिपोर्ट्स के मुताबिक, इंग्लैंड दौरे के दौरान रोहित शर्मा के ODI भविष्य को लेकर हुआ विवाद BCCI के सीनियर अधिकारियों को पसंद नहीं आया। इसके बाद सेलेक्शन कमिटी के कामकाज और नेतृत्व को लेकर फिर से चर्चा शुरू हो गई है। लेकिन अभी तक इस मामले में कोई अंतिम फैसला नहीं लिया गया है। माना जा रहा है कि सितंबर में होने वाली BCCI की एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) में अजीत अगरकर के भविष्य पर विस्तार से विचार किया जा सकता है।

2027 विश्व कप तक रहना चाहते हैं अगरकर

अजीत अगरकर के कार्यकाल को बढ़ाने की संभावना अभी पूरी तरह खत्म नहीं हुई है। ऐसी उम्मीद है कि भारत का 2 टेस्ट मैचों का श्रीलंका दौरा उनके प्रदर्शन के मूल्यांकन में अहम भूमिका निभा सकता है। रिपोर्ट्स के अनुसार, अगरकर भी 2027 वनडे विश्व कप तक मुख्य चयनकर्ता के पद पर बने रहने के इच्छुक हैं। ऐसे में आगे का फैसला बोर्ड की समीक्षा के बाद ही लिया जाएगा। हाल ही में, गौतम गंभीर की गैरमौजूदगी में वीवीएस लक्ष्मण ने जिम्बाब्वे दौरे पर भारतीय टी20 टीम के अंतरिम मुख्य कोच की भूमिका भी निभाई थी।

2023 में बने थे चीफ सेलेक्टर्स

अजीत अगरकर ने 2023 में भारतीय टीम के मुख्य चयनकर्ता का पद संभाला था। उनके कार्यकाल के दौरान टीम इंडिया ने शानदार प्रदर्शन करते हुए कई बड़ी सफलताएं हासिल कीं। इस दौरान भारत ने 2024 और 2026 का टी20 विश्व कप जीतने के साथ-साथ 2025 की चैंपियंस ट्रॉफी पर भी कब्जा जमाया। इन उपलब्धियों की वजह से उनका कार्यकाल भारतीय क्रिकेट के सफल दौरों में गिना जा रहा है।

3 साल हो गए नीरज को गोल्ड जीते हुए, पिछले 10 महीने रहे सबसे कठिन (Video)

नीरज चोपड़ा ने जब टोक्यो 2021 में स्वर्ण पदक जीता था तो ऐसा लग रहा था कि अब तो वह हर टूर्नामेंट में सोना ही सोना लूटेंगे। लेकिन खेल में हर दिन एक जैसा नहीं होता। यह बताने के लिए काफी है कि नीरज चोपड़ा को 3 साल हो गए हैं किसी भी प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीते हुए।

नीरज चोपड़ा को पेरिस ओलंपिक में पाकिस्तान के अरशद नदीम के हाथों स्वर्ण पदक खोना पड़ा तो विश्व चैंपियनशिप में ग्रेनेडा के एंडरसन पीटर्स के खिलाफ। राष्ट्रमंडल खेल में वह श्रीलंका के स्टार रूमेश थरंगा पथिरागे से स्वर्ण पदक खो बैठे। वह 19 जून को दोहा डायमंड लीग में 85.69 मीटर के थ्रो के साथ चौथे स्थान पर रहे थे।

नीरज ने 2018 में ऑस्ट्रेलिया के गोल्ड कोस्ट में हुए राष्ट्रमंडल खेलों में 86.47 मीटर के थ्रो के साथ स्वर्ण पदक जीता था, लेकिन चोट के कारण 2022 के सत्र में हिस्सा नहीं ले सके थे। पिछले साल सितंबर में विश्व चैंपियनशिप से ठीक पहले उन्हें कमर के निचले हिस्से में चोट लगी थी और राष्ट्रमंडल खेलों से पहले उन्होंने केवल एक प्रतियोगिता में भाग लिया था।

फिटनेस से जुड़ी परेशानियों से करीब एक साल तक जूझने के बाद भारतीय भाला फेंक खिलाड़ी नीरज चोपड़ा ने कहा कि पिछले 10 महीने उनके लिए बेहद चुनौतीपूर्ण रहे और उन्होंने ऐसे दौर का सामना किया, जिसकी उन्होंने कभी कल्पना नहीं की थी।वह मुख्य रूप से जांघ की मांसपेशियों की चोट और कुछ अन्य शारीरिक परेशानियों से प्रभावित रहे थे।
नीरज ने मंगलवार को इंस्टाग्राम पर राष्ट्रमंडल खेलों के प्रदर्शन का वीडियो साझा करते हुए लिखा, ‘‘कुछ भाले लंबी दूरी तय करते हैं और कुछ पल पूरी यात्रा का भार अपने साथ लेकर आते हैं। पिछले 10 महीने ने मेरी ऐसी परीक्षा ली, जिसकी मैंने कभी उम्मीद नहीं की थी।’’उन्होंने कहा, ‘‘कई चोटों से उबरना, अपने शरीर को दोबारा मजबूत बनाना, फिर से लय हासिल करना और उस समय धैर्य रखना जब मैं केवल प्रतियोगिता में उतरना चाहता था। मैं हर दिन अभ्यास कर रहा था, लेकिन यह भी नहीं पता था कि इस साल मुझे खेलने का मौका मिलेगा या नहीं।’’

पूर्व विश्व चैंपियन नीरज ने अपनी वापसी में मदद करने वाले सहयोगी दल के प्रति आभार जताते हुए कहा, ‘‘इस स्तर पर दोबारा प्रतिस्पर्धा करना अच्छा लग रहा है। यह सब कुछ अकेले संभव नहीं था। मैं उन लोगों का दिल से आभारी हूं, जिन्होंने हमेशा मेरा विश्वास बनाए रखा।’

उन्होंने अपने फिजियो ईशान मारवाहा और कोच जय चौधरी का विशेष रूप से धन्यवाद किया।नीरज ने कहा, ‘ईशान जी चोट से उबरने के दौरान हर कदम पर मेरे साथ रहे और मुझे फिर से वह करने में मदद की, जिसे मैं सबसे ज्यादा पसंद करता हूं। मेरे कोच जय चौधरी उस समय से मेरे साथ हैं, जब मैंने पहली बार भाला उठाया था।’उन्होंने कहा, ‘‘ मेरा परिवार हर परिस्थिति में मेरे साथ मजबूती से खड़ा रहा। सत्र अभी जारी है और मैं धीरे-धीरे आगे बढ़ रहा हूं।’’

शेख हसीना 2 साल बाद आज नजर आएंगी:दिल्ली में भाषण, भारत का रोक लगाने से इनकार, बांग्लादेश बोला- पड़ोसी से रिश्ते बिगाड़ना नहीं चाहते

बांग्लादेश ने कहा है कि वह भारत के साथ अपने रिश्ते खराब नहीं करना चाहता और दोनों देशों के बीच अच्छे संबंध बनाए रखना चाहता है। दरअअसल, बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना ने ऐलान किया है कि वे 5 अगस्त को एक कार्यक्रम को ऑनलाइन संबोधित करेंगी। हसीना के देश छोड़ने के बाद 2 साल में यह पहली बार शेख हसीना किसी सार्वजनिक कार्यक्रम में वर्चुअल भाषण देतीं नजर आएंगी। बांग्लादेश ने इस पर रोक लगाने की मांग की थी लेकिन भारत ने मंगलवार को इससे इनकार कर दिया था। भारत ने कहा- इसके बाद बांग्लादेश की विदेश राज्य मंत्री शमा ओबैद ने को प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, “हम भारत के साथ अच्छे संबंध चाहते हैं। हम नहीं चाहते कि हमारे रिश्ते खराब हों या उन पर कोई असर पड़े। उम्मीद है कि भारत भी इसे समझेगा।” बांग्लादेश लौटने का ऐलान कर चुकी हैं शेख हसीना शेख हसीना का कार्यक्रम में दिल्ली में सर मार्क टली ऑडिटोरियम में होगा। इसका आयोजन फॉरेन कॉरेस्पोंडेंट्स क्लब कर रहा है। फॉरेन कॉरेस्पोंडेंट्स क्लब ऑफ साउथ एशिया (FCCSA) नई दिल्ली स्थित पत्रकारों का संगठन है। इसकी स्थापना 1958 में हुई थी। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक यह कार्यक्रम शाम 6 बजे से 7:30 बजे तक चलेगा। रिपोर्ट्स के मुताबिक, हसीना इस कार्यक्रम में बांग्लादेश लौटने की तारीख का ऐलान कर सकती हैं। उन्होंने पिछले महीने कहा था कि वे दिसंबर में अपने देश लौटेंगी। इस दौरान उनकी हत्या भी हो जाए तो उन्हें मंजूर है। रिपोर्ट्स के मुताबिक हसीना अपने भाषण में देश के लिए अपना विजन भी पेश कर सकती हैं। उनके बेटे सजीब वाजेद जॉय भी कार्यक्रम को संबोधित करेंगे। इसके अलावा अवामी लीग के कई सीनियर नेता भी इसमें हिस्सा लेंगे। शेख हसीना ने 5 अगस्त का दिन ही क्यों चुना 5 अगस्त 2024 को ही छात्र आंदोलन के बाद शेख हसीना को बांग्लादेश छोड़ना पड़ा था। प्रदर्शनकारी उनके सरकारी आवास तक पहुंच गए थे। इसके बाद वह इस्तीफा देकर सेना के विमान से भारत आ गई थीं। यानी जिस दिन उन्हें सत्ता छोड़नी पड़ी थी, उसी दिन वह दो साल बाद फिर लोगों के सामने आ रही हैं। माना जा रहा है कि वह इसी दिन अपनी राजनीतिक वापसी का मैसेज देना चाहती हैं। हसीना के भाषण को लेकर बांग्लादेश में क्या चर्चा है? बांग्लादेश सरकार ने इस भाषण के प्रसारित होने पर हर तरह से पाबंदी लगा दी है। प्रिंट, टीवी और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म को चेतावनी दी गई कि शेख हसीना का भारत से होने वाला भाषण प्रसारित या प्रकाशित नहीं किया जाए क्योंकि अंतरराष्ट्रीय अपराध न्यायाधिकरण (ICT) के आदेश के तहत इस बयान के प्रसारण पर रोक है। इस पाबंदी के बाद से ही सबसे ज्यादा चर्चा में ये है कि क्या हसीना वापस या सकती हैं या नहीं?

हालांकि, बांग्लादेशी मीडिया में इस बात पर चर्चा चल रही है कि हसीना की वापसी से भारत और बांग्लादेश के रिश्तों पर क्या असर होने वाला है। बांग्लादेश के बड़े अखबार प्रोथोम आलो लिखता है, ‘भारत को बांग्लादेश से अपने द्विपक्षीय रिश्तों को लेकर गंभीर नजर आना चाहिए। इस तरह की राजनीतिक गतिविधि से रिश्तों पर खराब असर हो सकता है।’

द डेली स्टार का संपादकीय भी इसी लाइन पर है कि भारत की धरती से इस तरह की राजनीतिक गतिविधियां हाल ही में सुधरते रिश्तों को नुकसान पहुंचा सकती हैं। इस अखबार ने बांग्लादेश के विदेश मंत्रालय के विरोध को भी जायज ठहराया है। उधर, बंगाली अखबार जुगांतर ने हसीना के वापस आने को लेकर विपक्षी पार्टियों के रुख को ज्यादा प्रमुखता से छापा है।

सोशल मीडिया पर क्या चल रहा: बांग्लादेशी फेसबुक, यूट्यूब और एक्स (X) पर इन हैश टैग के जरिए चर्चा हो रही है- #SheikhHasina #AwamiLeague #August5 #JulyUprising #IndiaBangladesh न्यूज एजेंसी रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक बांग्लादेश की मीडिया और सोशल मीडिया में हसीना के भाषण को लेकर तीन तरह के नैरेटिव बने हुए हैं:
1. सरकार: हसीना ‘फरार अपराधी’ हैं, उन्हें कोई राजनीतिक मंच नहीं मिलना चाहिए।
2. छात्र आंदोलन से जुड़ी पार्टियां: हसीना की वापसी नहीं होनी चाहिए। हसीना लौट कर अदालत का सामना करें।
3. अवामी लीग समर्थक: हसीना ही राजनीतिक स्थिरता का विकल्प हैं और उनके बिना चुनाव निष्पक्ष नहीं होंगे।

क्या सच में ‘अलविदा’ कह रहा है OnePlus? आपके फोन के अपडेट्स और वारंटी पर आया बड़ा अपडेट

OnePlus Mobile Shutdown Truth

OnePlus Mobile Shutdown Truth: यदि आप भी सोशल मीडिया पर यह देखकर घबरा रहे हैं कि “OnePlus मोबाइल बंद हो रहा है”, तो थोड़ा ठहरिए! टेक वर्ल्ड में किसी समय 'फ्लैगशिप किलर' के नाम से मशहूर इस ब्रांड को लेकर इंटरनेट पर लगातार कयासबाजी का दौर जारी है। 
 

वनप्लस ब्रांड को लेकर ऐसी खबरें क्यों फैल रही हैं, कंपनी का आधिकारिक रुख क्या है और जिन लोगों के पास पहले से OnePlus के फोन हैं, उनके साथ आगे क्या होगा? आइए इस पूरे घटनाक्रम की परतें खोलते हैं। 

क्यों फैलीं OnePlus बंद होने की अफवाहें? 3 मुख्य कारण 

बिना आग के धुआं नहीं उठता, OnePlus के बंद होने या भारत छोड़ने की अफवाहों के पीछे कुछ प्रमुख बाजार और रणनीतिक बदलाव जिम्मेदार हैं: 
 

1. Oppo के साथ गहरा रीस्ट्रक्चरिंग (Merge) : वनप्लस की पैरेंट कंपनी BBK Electronics और Oppo ने लागत घटाने के लिए अपने रिसर्च (R&D) और मैन्युफैक्चरिंग को मिला दिया है। इसके तहत OxygenOS को ColorOS के ढांचे के साथ इंटीग्रेट किया जा रहा है। 
 

2. ऑफलाइन स्टोर्स के साथ विवाद : भारत में कई बड़े रिटेल चेन्स (जैसे दक्षिण भारत और गुजरात के रिटेल असोसिएशन) के साथ मार्जिन और वॉरंटी के मुद्दों को लेकर विवाद हुआ, जिसके बाद कुछ ऑफलाइन दुकानों पर वनप्लस के फोन बिकना बंद हुए और कंपनी ऑनलाइन-फर्स्ट मॉडल पर शिफ्ट हुई। 
 

3. ग्लोबल मार्केट्स में बदलाव : अमेरिका और यूरोप जैसे कुछ चुनिंदा विदेशी बाजारों में सप्लाई चेन और सर्टिफिकेशन में हुई देरी के चलते नए मॉडल्स की बिक्री धीमी पड़ी, जिसे लोगों ने कंपनी की पूर्ण विदाई समझ लिया। 

कंपनी का आधिकारिक पक्ष : क्या सच में बंद हो रहा है OnePlus?

उत्तर है : नहीं। 

 

OnePlus India के बिजनेस वीपी (Vice President) और शीर्ष अधिकारियों ने इन अफवाहों को पूरी तरह से “निराधार और भ्रामक” करार दिया है। कंपनी ने स्पष्ट किया है कि भारत वनप्लस का सबसे बड़ा और मजबूत बाजार है। 

 

कंपनी का आधिकारिक संदेश : “वनप्लस का काम पहले की तरह सामान्य रूप से चल रहा है। हम भारत में नए स्मार्टफोन लॉन्च करने, आफ्टर-सेल्स सर्विस देने और सॉफ्टवेयर अपडेट जारी रखने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं।” 

जिनके पास पहले से OnePlus फोन है, उनका क्या होगा?

यदि आप OnePlus 11, 12, 13 या Nord सीरीज़ का कोई भी स्मार्टफोन इस्तेमाल कर रहे हैं, तो आपको घबराने की बिल्कुल ज़रूरत नहीं है। आपकी स्थिति पर ये 3 बातें लागू होती हैं:

  • सॉफ्टवेयर और सिक्योरिटी अपडेट्स : कंपनी के तय वादे के अनुसार आपके फोन को नियमित Android Updates और Security Patches मिलते रहेंगे। OxygenOS/ColorOS इंटीग्रेशन के बावजूद मौजूदा फोन्स का सपोर्ट सिस्टम जारी रहेगा।
  • वॉरंटी और सर्विस सेंटर : यदि आपका फोन वॉरंटी पीरियड में है, तो अधिकृत OnePlus और Oppo सर्विस सेंटर्स पर आपको फ्री सर्विस और पार्ट्स मिलते रहेंगे।
  • पार्ट्स और रिपेयर : कंपनी कानूनन और पॉलिसी के हिसाब से अपने बेचे गए हैंडसेट के स्पेयर पार्ट्स (जैसे स्क्रीन, बैटरी, मदरबोर्ड) सर्विस नेटवर्क में उपलब्ध कराने के लिए बाध्य है। 

क्या आपको नया OnePlus फोन खरीदना चाहिए?

OnePlus कहीं बंद नहीं हो रहा है, यह सिर्फ Oppo के साथ मिलकर एक नए और कुशल स्वरूप (Restructuring) में ढल रहा है। सोशल मीडिया पर फैल रही 'ब्रांड शटडाउन' की खबरें महज क्लिकबैट और अफवाहें हैं। यदि आप नया फोन खरीदने की सोच रहे हैं, तो बिना झिझक वारंटी और ऑफिशियल सपोर्ट के साथ वनप्लस फोन खरीद सकते हैं।

कभी टेलर की दुकान थी, आज 70000 करोड़ रुपये मार्केट कैपिटलाइजेशन, जानिए प्रेस्टीज ग्रुप के इरफान रज्जाक की कहानी

सत्तार रज्जाक ने 1956 में बेंगलुरु में टेलर की दुकान खोली थी। बाद में इरफान रज्जाक सहित उनके तीन बेटे भी दुकान में उनकी मदद करने लगे। बाद में परिवार खासकर इरफान ने प्रॉपर्टी के बिजनेस में हाथ आजमाने का फैसला लिया। यह बात 1980 के दशक की है। तब बेंगलुरु शहर का दायरा बढ़ रहा था। प्रॉपर्टी का धंधा जोर पकड़ रहा था। परिवार ने 1986 में प्रेस्टीज एस्टेट्स एंड कंस्ट्रक्शंस नाम से कंपनी शुरू की।

40000 रुपये से रियल एस्टेट बिजनेस की शुरुआत

Prestige Estates and Constructions की शुरुआत सिर्फ 40,000 रुपये की शुरुआती पूंजी से हुई थी। इसका पहला प्रोजेक्ट 10,000 वर्ग फीट की एक ऑफिस ब्लिडिंग था। जैसे-जैसे बेंगलुरु शहर की सीमाएं बढ़ती गई, वैसे-वैसे प्रेस्टीज का कारोबार बढ़ता गया। आज इस कंपनी का नाम कई प्रतिष्ठित और बड़े प्रोजेक्ट्स से जुड़ा है। इनमें Forum Mall, UB City और Kingfisher Towers शामिल हैं।

देश के कई बड़े शहरों में कंपनी के रियल एस्टेट प्रोजेक्टस

Prestige Estates Projects ने 2010 में अपना आईपीओ पेश किया। कंपनी ने इश्यू से करीब 1,200 करोड़ रुपये जुटाए। इस पैसे से कंपनी ने नए बाजारों में अपना कारोबार फैलाया। दक्षिण भारत के रियल एस्टेट मार्केट में कंपनी ने अपनी मजबूत पैठ बनाई। इनमें हैदराबाद, चेन्नई, कोच्चि जैसे शहर शामिल थे। बाद में कंपनी गोवा, पुणे और मुंबई के बाजार में दाखिल हुई। अब तक दिल्ली-एनसीआर में भी कंपनी आ चुकी है।

अगस्त में कंपनी का मार्केट कैपिटलाइजेशन 70000 करोड़ रुपये

अगस्त 2026 में प्रेस्टीज एस्टेट प्रोजेक्ट्स का मार्केट कैपिटलाइजेशन करीब 70,000 करोड़ रुपये पहुंच चुका है। यह कंपनी आज रेजिडेंशियल, कमर्शियल, रिटेल और हॉस्पिटैलिटी सेगमेंट्स में मौजूद है। देश के कई बड़े शहरों में कंपनी प्रोजेक्ट्स पूरे कर चुकी है। आज देश की सबसे बड़ी रियल एस्टेट कंपनियों की लिस्ट में प्रेस्टीज का नाम शामिल है।

कंपनी के एमडी इरफान रज्जाक का नेटवर्थ करीब 1.5 अरब डॉलर 

इरफान रज्जाक कंपनी के चेयरमैन एवं मैनेजिंग डायरेक्टर हैं। फॉर्ब्स बिलियनेयर्स लिस्ट 2026 के मुताबिक, उनका नेटवर्थ करीब 1.5 अरब डॉलर का है। कंपनी के कामकाज से परिवार के कई सदस्य करीबी रूप से जुड़े हैं। रज्जाक परिवार की दूसरी और तीसरी पीढ़ी के कई सदस्य आज कंपनी में बड़ी जिम्मेदारियां संभाल रहे हैं।

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शेयर ने पांच साल में निवेशकों का पैसा चार  गुना किया 

प्रेस्टीज एस्टेट्स प्रोजेक्ट्स का शेयर का प्राइस 5 अगस्त को 1:30 बजे 0.70 फीसदी चढ़कर 1,604 रुपये चल रहा था। बीते पांच साल में यह शेयर 345 फीसदी चढ़ा है। इसका मतलब है कि इस शेयर ने पांच साल में निवेशकों का पैसा चार गुना से ज्यादा कर दिया है।

श्रीलंकाई स्पिनर्स के लिए राहुल बनेंगे द्रविड़, अभ्यास का वीडियो हुआ वायरल

INDvsSL भले ही श्रीलंका ने अपनी टीम की घोषणा नहीं की हो लेकिन 15 अगस्त से शुरु हो रहे पहले टेस्ट में भारत को स्पिन के मुफीद पिच ही मिलनी है। ऐसे में भारत का पूरा ध्यान स्पिन को खेलने पर है। स्पिन के खिलाफ भारत की बल्लेबाजी की धुरी चेतेश्वर पुजारा रहते थे अब वह केएल राहुल हो गए हैं क्योंकि वह इस क्रम के सबसे अनुभवी बल्लेबाज हैं। अगर भारत को स्पिन के खिलाफ थोड़ी भी उम्मीद लगानी है तो केएल राहुल को राहुल द्रविड़ की तरह खेलना होगा।

अभ्यास सत्र में केएल राहुल ने राहुल द्रविड़ की तरह खेलना शुरु भी कर दिया है। केएल राहुल ने स्पिन गेंदबाजी के लिए विशेष अभ्यास सत्र में खुरदुरी पिच पर समय बिताया। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक वीडियो में अंदर स्पिन करती हुई गेंद पर राहुल अपना विकेट बचाने में कामयाब हुए। इस वीडियो जैसा अगर राहुल खेल गए तो वह श्रीलंका के खिलाफ सर्वाधिक रन बनाने वाले बल्लेबाज बनकर उभरेंगे।

इसके अलावा केएल राहुल अपनी फिटनेस पर भी ध्यान दे रहे हैं। मैच में ऐसा मौका आ सकता है जब ऋषभ पंत चोटिल हों और उनकी जगह केएल राहुल को कीपिंग करनी पड़ जाए।

केएल राहुल भले ही भारत के सबसे अनुभवी बल्लेबाज हों लेकिन दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ घरेलू धरती पर उनका बल्ला खामोश रहा है। उन्होंने 4 पारियों में सिर्फ 68 रन बनाए जिसमें से 39 उनका सर्वाधिक स्कोर था। 3 बार उनका विकेट स्पिनर्स ने लिया। हाल ही में अफगानिस्तान के खिलाफ खेला गया टेस्ट मैच जो विश्व टेस्ट चैंपियनशिप में शामिल नहीं था उसमें केएल राहुल ने शतक जरूर जमाया लेकिन वह काफी पहले ही आउट हो गए थे जिसके खिलाफ अफगानिस्तानी कप्तान ने रिव्यू नहीं लिया।