Ramco Systems Share Price: रैमको सिस्टम्स का शेयर बना रॉकेट, एक महीने में 90 फीसदी चढ़ा

Ramco Systems Share Price: रैमको सिस्टम्स के शेयरों में लगातार जारी तेजी ने इनवेस्टर्स को चौंकाया है। 30 जून को भी इस शेयर में जबर्दस्त तेजी देखने को मिली। बाजार खुलते ही यह शेयर रॉकेट बन गया। एक समय तक यह 7 फीसदी से ज्यादा चढ़ गया था। 29 जून को भी इस शेयर में तूफानी तेजी दिखी थी। इससे शेयर का भाव 52 हफ्ते के हाई पर पहुंच गया था।

एक महीने में 90 फीसदी चढ़ा शेयर 

Ramco Systems का शेयर बीते एक महीने में करीब 90 फीसदी चढ़ चुका है। इस तेजी ने इनवेस्टर्स को चौंकाया है। खास बात यह है कि इस स्टॉक में ट्रेडिंग वॉल्यूम भी बढ़ी है। 29 जून को शेयर बाजार में गिरावट के बीच भी इसमें तेजी आई। 30 जून को भी शेयर बाजार के प्रमुख सूचकांकों में गिरावट के बावजूद रैमको सिस्टम्स के शेयरों में तेजी दिखी। इस तेजी से शेयर की वैल्यूएशन अचानक काफी बढ़ गई है।

FY21 के बाद पहली बार मुनाफे में आई कंपनी

30 जून को 10:15 बजे रैमको सिस्टम्स का शेयर 7.37 फीसदी चढ़कर 850 रुपये पर चल रहा था। यह कंपनी वर्ल्ड-क्लास एंटरप्राइज सॉफ्टवेयर प्रेडक्ट/प्लेटफॉर्म ऑफर करती है। इसने अपने मल्टी-टेनेंट क्लाउड एंड मोबाइल आधारित एंटरप्राइज सॉफ्टेवर से बड़ी हलचल मचाई है। कंपनी ने FY26 में 41.84 करोड़ रुपये का प्रॉफिट कमाया है। FY21 के बाद पहली बार कंपनी मुनाफे में आई है।

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शेयर बाजार के प्रमुख सूचकांकों में गिरावट 

30 जून को शेयर बाजार में गिराव देखने को मिला। 10:25 बजे निफ्टी 0.34 फीसदी यानी 55 अंक गिरकर 23,892 पर चल रहा था। सेंसेक्स 0.15 फीसदी यानी 109 अंक की कमजोरी के साथ 76,615 पर चल रहा था। बैंक निफ्टी और मिडकैप इंडेक्स में हरे निशान में कारोबार हो रहा था। निफ्टी आईटी इंडेक्स में गिरावट दिखी। हालांकि, 29 जून को अमेरिकी बाजारों खासकर नैस्डेक में अच्छी तेजी आई थी। इसके बावजूद 30 जून को भारतीय आईटी कंपनियों के शेयरों पर दबाव दिखा। टीसीएस और इंफोसिस में 2 फीसदी से ज्यादा गिरावट दिखी।

डिसक्लेमर: मनीकंट्रोल पर एक्सपर्ट्स की तरफ से व्यक्त विचार उनके अपने विचार होते हैं। ये वेबसाइट या इसके मैनेजमेंट के विचार नहीं होते। मनीकंट्रोल की यूजर्स को सलाह है कि उन्हें निवेश का फैसला लेने से पहले सर्टिफायड एक्सपर्ट्स की राय लेनी चाहिए।

Gold Silver price Today: सोने- चांदी में हाल में आई गिरावट और बढ़ी, यूएस में और रेट बढ़ने की उम्मीद इन्वेस्टर सेंटिमेंट पर डाल रहा असर

Gold Silver price Today : सोने- चांदी की कीमतों में गिरावट का सिलसिला जारी है। डॉलर के मजबूत होने और US में और इंटरेस्ट रेट बढ़ने की उम्मीद से सोने की कीमतों में दबाव दिख रहा है क्योंकि यह सभी चीजें इन्वेस्टर सेंटिमेंट पर असर डाल रही है, जिससे सोने -चांदी में हाल की गिरावट और बढ़ गई है। COMEX गोल्ड $3,981.50 प्रति औंस पर ट्रेड कर रहा था, जो $57.40 या 1.42% कम था, जबकि दिन में यह $3,955.40 प्रति औंस के निचले स्तर पर था। इससे पहले यह मेटल $4,032.50 प्रति औंस पर बंद हुआ था।

COMEX सिल्वर भी फिसला, जो सेशन के दौरान $57.035 प्रति औंस के निचले स्तर पर पहुंचने के बाद 1.38% गिरकर $57.375 प्रति औंस पर आ गया।

मार्केट सेंटिमेंट पर इस उम्मीद का दबाव बना रहा कि US फेडरल रिजर्व महंगाई को कंट्रोल करने के लिए मॉनेटरी पॉलिसी को और सख्त कर सकता है। ट्रेडर अभी इस साल तीन इंटरेस्ट रेट बढ़ने का अनुमान लगा रहे हैं, CME फेडवॉच डेटा सितंबर में बढ़ोतरी की 63% संभावना दिखा रहा है।

मज़बूत U.S. डॉलर ने दूसरी करेंसी रखने वालों के लिए कीमती मेटल्स को महंगा बनाकर बुलियन की डिमांड को और कम कर दिया।

मिडिल ईस्ट में जियोपॉलिटिकल डेवलपमेंट्स पर सबकी नजर बनी रही। ईरान और यूनाइटेड स्टेट्स के बीच तनाव बना रहा, लेकिन डिप्लोमैटिक बातचीत की उम्मीदों ने सोने में कुछ सेफ़-हेवन खरीदारी की दिलचस्पी कम कर दी। ईरानी और US की बातचीत करने वाली टीमों के दोहा में मिलने की उम्मीद है, हालांकि ईरान ने कहा है कि कोई फॉर्मल मीटिंग तय नहीं की गई है।

इन्वेस्टर्स अब इस हफ़्ते के आखिर में आने वाले ADP एम्प्लॉयमेंट नंबर्स और नॉन-फार्म पेरोल आंकड़ों सहित US के ज़रूरी इकोनॉमिक डेटा का इंतज़ार कर रहे हैं, ताकि फेडरल रिज़र्व की पॉलिसी की दिशा पर और ज़्यादा क्लैरिटी मिल सके।

मार्केट ट्रेंड पर कमेंट करते हुए, रिद्धिसिद्धि बुलियंस के मैनेजिंग डायरेक्टर और इंडिया बुलियन एंड ज्वैलर्स एसोसिएशन के प्रेसिडेंट, पृथ्वीराज कोठारी ने कहा कि सोने में गिरावट का सिलसिला अब लगातार चार हफ़्तों तक बढ़ गया है और यह जनवरी 2026 के अपने रिकॉर्ड हाई $5,597 प्रति औंस से लगभग 30% नीचे बना हुआ है। उन्होंने कहा कि महंगाई की लगातार चिंताओं और फेडरल रिजर्व के चेयरमैन केविन वार्श की तीखी टिप्पणियों ने सख्त मॉनेटरी पॉलिसी की उम्मीदों को और पक्का कर दिया है। कोठारी के मुताबिक, कच्चे तेल की कीमतें $70 प्रति बैरल से ऊपर जाने से भी महंगाई की चिंता बढ़ गई है, जिससे कीमती धातुओं के लिए सपोर्ट कम हो गया है।

कोठारी ने आगे कहा कि सोने के लिए मुख्य सपोर्ट अभी $3,950–$4,000 प्रति औंस की रेंज में दिख रहा है, जबकि चांदी काफी कमजोर हुई है, और हाल के सेशन में COMEX पर लगभग 10% गिरी है।

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(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Trading Plan: F&O एक्सपायरी के दिन सीमित दायरे में कारोबार होने की उम्मीद, बाजार में देखने को मिल सकती है रिकवरी की कोशिश

Trading Plan : एक दिन की गिरावट के बाद मार्केट में रिकवरी की कोशिश हो सकती है,लेकिन कुल मिलाकर रेंजबाउंड ट्रेडिंग की ही उम्मीद है। निफ्टी को 24,000-24,100 के जोन में तत्काल रेजिस्टेंस का सामना करना पड़ सकता है। हालांकि,मंथली F&O एक्सपायरी सेशन के दौरान 23,900-23,800 के जोन में सपोर्ट बना हुआ है। वहीं, पिछले सेशन में प्रॉफिट बुकिंग के बावजूद,बैंक निफ्टी का ट्रेंड मज़बूत बना हुआ है। मार्केट एक्सपर्ट्स का कहना है कि बैंक निफ्टी 58,000-58,300 के रेजिस्टेंस जोन को फिर से हासिल करने की कोशिश कर सकता है,जबकि 57,400-57,300 का जोन तत्काल सपोर्ट का काम कर सकता है।

निफ्टी आउटलुक और रणनीति

आनंद राठी में सीनियर मैनेजर इक्विटी रिसर्च जिगर एस पटेल का कहना है कि निफ्टी अपने 50 डे सिंपल मूविंग एवरेज से ऊपर ट्रेड करता रहा,जिससे पता चलता है कि शॉर्ट-टर्म ट्रेंड पॉजिटिव बना हुआ है। इसके अलावा,डेली चार्ट पर इंडेक्स इचिमोकू क्लाउड(Ichimoku Cloud)से ऊपर ट्रेड कर रहा है,जो बुलिश ट्रेंड को और मज़बूत करता है। डेली RSI 53 पर है,जो स्थिर मोमेंटम और आगे और बढ़त की गुंजाइश का संकेत देता है।

हालांकि,अगली दिशा तय करने वाली चाल से पहले कुछ कंसोलिडेशन की संभावना है। आने वाले सेशन में इंडेक्स के 23,800–24,200 की रेंज में ट्रेड करने की उम्मीद है। जब तक निफ्टी अहम सपोर्ट लेवल से ऊपर बना रहता है,तब तक कुल मिलाकर आउटलुक अच्छा रहेगा और गिरावट पर खरीदारी की रणनीति अपनाने की सलाह होगी।

अहम रेजिस्टेंस: 24,200, 24,300

अहम सपोर्ट: 23,800, 23,600

स्ट्रैटेजी: 23,900 के आस-पास पुलबैक पर निफ्टी फ्यूचर्स खरीदें,जिसमें स्टॉप-लॉस 23,700 और टारगेट 24,300 रखें।

मिरे एसेट शेयरखान के हेड ऑफ रिटेल रिसर्च सोमिल मेहता का कहना है कि निफ़्टी को 24,100–24,200 के जोन में लगातार रुकावट का सामना करना पड़ रहा है और चार्ट पर इसके आसपास कई बार रिजेक्शन देखने है। इंडेक्स एक ही दायरे (साइडवेज़ रेंज)में घूम रहा है,जिससे पता चलता है कि इसमें कोई साफ तेजी या मंदी (डिसाइसिव मोमेंटम) का संकेत नहीं है।

नीचे की तरफ,23,800–23,650 का लेवल एक अहम सपोर्ट ज़ोन बना हुआ है और यह हाल के गैप जोन से मेल खाता है। जब तक यह सपोर्ट बना रहता है,तब तक बुल्स का कंट्रोल रहेगा। 24,200 के ऊपर ब्रेकआउट होने पर तेजी आ सकती है। जब तक निफ्टी 24,200 के ऊपर टिका नहीं रहता,तब तक 23,800-23,650 तक शॉर्ट-टर्म करेक्शन की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।

अहम रेजिस्टेंस: 24,200, 24,600

अहम सपोर्ट: 23,800, 23,650

स्ट्रैटेजी: मौजूदा मार्केट प्राइस पर या 23,800 के लेवल पर गिरावट आने पर निफ्टी फ्यूचर्स खरीदें। इसमें क्लोजिंग बेसिस पर 23,650 का स्टॉप-लॉस रखें और 24,500-24,600 का टारगेट सेट करें।

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बैंक निफ्टी आउटलुक और रणनीति

जिगर एस पटेल का कहना है कि बैंक निफ्टी 57,456 के अहम ब्रेकआउट लेवल से ऊपर बना हुआ है,जो दिखाता है कि मौजूदा अपट्रेंड जारी है। यह इंडेक्स डेली चार्ट पर अपने 20-दिन और 50-दिन के DEMA से ऊपर भी ट्रेड कर रहा है,जो लगातार तेजी का मोमेंटम दिखाता है। इसके अलावा,डेली और वीकली दोनों टाइमफ्रेम पर RSI 50 से ऊपर है,जो मज़बूती और पॉजिटिव मार्केट सेंटीमेंट की पुष्टि करता है।

57,000 के आस-पास एक अहम ट्रेंडलाइन सपोर्ट है,जो गिरावट की स्थिति में एक मजबूत सहारे का काम करेगा। जब तक बैंक निफ्टी इस सपोर्ट के ऊपर बना रहता है,तब तक ओवरऑल रुख पॉजिटिव रहेगा और गिरावट पर खरीदारी की रणनीति अपनाने की सलाह होगी।

अहम रेजिस्टेंस: 58,300, 58,700

अहम सपोर्ट: 57,500, 57,000

स्ट्रैटेजी: 57,800-57,500 के आस-पास पुलबैक पर बैंक निफ्टी फ्यूचर्स खरीदें,जिसमें स्टॉप-लॉस 57,000 और टारगेट 59,000 रखें।

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Sensex में 300 अंकों का उछाल, Nifty भी 24000 के पार, निवेशकों पर डेढ़ लाख करोड़ रुपये की बारिश

Stock Market Rally: कच्चे तेल की नरमी और एक कारोबारी दिन पहले की तेज गिरावट के बाद निचले स्तर पर खरीदारी के चलते आज शुरुआती कारोबार में मार्केट में रौनक दिखी। चूंकि आज निफ्टी के साथ-साथ बैंक निफ्टी समेत एनएसई के अन्य इंडेक्स के डेरिवेटिव्स और स्टॉक्स के F&O (फ्यूचर्स एंड ऑप्शंस) की भी मंथली एक्सपायरी है तो मार्केट में तेज हलचल दिख रही है। घरेलू इक्विटी बेंचमार्क इंडेक्सेज की बात करें तो सेंसेक्स और निफ्टी ग्रीन और रेड जोन में झूलने लगे। ब्रोडर लेवल पर मिडकैप में थोड़ा दबाव है लेकिन स्मॉलकैप स्पेस में रौनक दिख रही है। निफ्टी मिडकैप 100 में हल्की गिरावट है तो निफ्टी स्मॉलकैप 100 में आधे फीसदी से थोड़ी ही कम बढ़त है।

सेक्टरवाइज मार्केट पर ऑटो, आईटी और मेटल सेक्टर दबाव बना रहे हैं जिनके निफ्टी इंडेक्स में फिलहाल आधे फीसदी से अधिक की गिरावट है। हालांकि दूसरी तरफ पीएसयू बैंक, प्राइलेट बैंक और रियल्टी स्टॉक्स इसे ऊपर लाने की कोशिश में तो है लेकिन इनके निफ्टी इंडेक्स में आधे फीसदी से भी कम बढ़त है।

ओवरऑल इस रस्साकसी में आज BSE पर लिस्टेड कंपनियों का मार्केट कैप डेढ़ लाख करोड़ रुपये से अधिक बढ़ गया यानी निवेशकों की दौलत में डेढ़ लाख करोड़ से अधिक का इजाफा हुआ है। इक्विटी बेंचमार्क इंडेक्सेज की बात करें तो फिलहाल 09:16 AM पर सेंसेक्स (Sensex) 240.82 प्वाइंट्स यानी 0.31% के उछाल के साथ 76,969.19 और निफ्टी 50 (Nifty 50) भी 62.75 प्वाइंट्स यानी 0.26% के उछाल के साथ 24,009.00 पर है। शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स 308.99 प्वाइंट्स चढ़कर 77,037.36 तक तो निफ्टी भी 89.30 प्वाइंट्स उछलकर 24,035.55 तक पहुंच गया।

₹1.73 लाख करोड़ बढ़ी निवेशकों की दौलत

एक कारोबारी दिन पहले यानी 29 जून 2026 को बीएसई पर लिस्टेड सभी शेयरों का कुल मार्केट कैप ₹4,72,74,146.70 करोड़ था। आज यानी 30 जून 2026 को यह बढ़कर ₹4,74,47,694.61 करोड़ पर पहुंच गया। इसका मतलब हुआ कि निवेशकों की पूंजी में आज ₹1,73,547.91 करोड़ का इजाफा हुआ है।

Sensex के 12 स्टॉक्स ग्रीन

सेंसेक्स पर 30 शेयर लिस्टेड हैं जिसमें फिलहाल 12 स्टॉक्स ग्रीन जोन में हैं। सबसे अधिक तेजी फिलहाल मारुति, एक्सिस बैंक और सन फार्मा में है। वहीं दूसरी तरफ सबसे अधिक गिरावट इंफोसिस, टाटा स्टील और जोमैटो की एटर्नल में है। नीचे सेंसेक्स पर लिस्टेड सभी शेयरों के लेटेस्ट भाव और आज उतार-चढ़ाव की डिटेल्स देख सकते हैं-

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57 शेयर एक साल के हाई पर

बीएसई पर आज फिलहाल 2371 शेयरों की ट्रेडिंग हो रही है। इसमें 1528 शेयर फिलहाल मजबूत हैं तो 691 में गिरावट है जबकि 152 में कोई बदलाव नहीं दिख रहा। इसके अलावा 57 शेयर एक साल के हाई और 18 शेयर एक साल के निचले स्तर पर आ गए। वहीं 42 शेयर अपर सर्किट पर पहुंच गए तो 48 शेयर लोअर सर्किट पर आ गए।

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आज इंट्रा-डे में इन स्टॉक्स पर रखें नजर

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Stocks to Watch: एक्सपायरीज की बाढ़; HDFC Bank, SIS और Yes Bank समेत इन स्टॉक्स पर खास वजहों से रहेगी नजर

Stocks to Watch: कच्चे तेल की नरमी और वैश्विक बाजारों से मिले-जुले रुझानों के बीच आज गिफ्ट निफ्टी से घरेलू मार्केट में सुस्त शुरुआत के संकेत मिल रहे हैं। गिफ्ट निफ्टी फिलहाल 22.00 प्वाइंट्स यानी 0.09% की मामूली बढ़त के साथ 23,976.00 पर है। चूंकि आज निफ्टी के साथ-साथ बैंक निफ्टी समेत एनएसई के अन्य इंडेक्स के डेरिवेटिव्स और स्टॉक्स के F&O (फ्यूचर्स एंड ऑप्शंस) की भी मंथली एक्सपायरी है तो मार्केट में तेज हलचल दिख सकती है। एक कारोबारी दिन पहले 30 जून को सेंसेक्स (Sensex) 372.10 प्वाइंट्स यानी 0.48% की गिरावट के साथ 76,728.37 और निफ्टी 50 (Nifty 50) भी 109.75 प्वाइंट्स यानी 0.46% की फिसलन के साथ 23,946.25 पर बंद हुआ था। अब आज इंडिविजुअल स्टॉक्स की बात करें तो अपनी खास कॉरपोरेट एक्टिविटीज के चलते कुछ स्टॉक्स में तेज हलचल दिख सकती है। यहां इन शेयरों के बारे में डिटेल्स दी जा रही है।

Stocks to Watch: इन स्टॉक्स पर रहेगी नजर

आज इन कंपनियों के आएंगे रिजल्ट

सीएमआर ग्रीन टेक्नोलॉजीज, हेक्सागॉन न्यूट्रिशन, मैजेस्टिक रिसर्च सर्विसेज एंड सॉल्यूशंस और सुपरहाउस आज कारोबारी नतीजे पेश करेंगी।

HDFC Bank

एचडीएफसी बैंक के बोर्ड ने 30 जून से एडिशनल डायरेक्टर (इंडिपेंडेंट डायरेक्टर) के तौर पर राजीव कुमार की नियुक्ति को मंजूरी दे दी है। उन्हें आरबीआई की मंजूरी मिलने पर बैंक का पार्ट-टाइम चेयरमैन भी नियुक्त किया गया है। इसके अलावा बोर्ड ने एक्सिस बैंक के सीएफओ पुनीत शर्मा को 1 सितंबर, 2026 से एचडीएफसी बैंक का चीफ फाइनेंशियल ऑफिसर-डेज़िनेट और 1 दिसंबर से चीफ फाइनेंशियल ऑफिसर बनाने की मंजूरी दी।

Axis Bank

एक्सिस बैंक के सीएफओ पुनीत शर्मा ने 31 अगस्त से प्रभावी इस्तीफा दे दिया है।

Bandhan Bank

राजीव मंत्री ने नए मौकों की तलाश के लिए बंधन बैंक के सीएफओ पद से इस्तीफा दे दिया है, जो 25 सितंबर से लागू होगा।

Engineers India

पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने अतुल गुप्ता (डायरेक्टर-कमर्शियल) को इंजीनियर्स इंडिया का चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर नियुक्त किया है। उन्होंने 29 जून से कंपनी के सीएमडी का पदभार संभाल लिया है।

SIS

एसआईएस के बोर्ड ने ₹120 करोड़ तक के शेयर बायबैक के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। अगस्त 2017 में कंपनी की लिस्टिंग के बाद से यह उसका पांचवां बायबैक होगा।

Crest Ventures

क्रेस्ट वेंचर्स ने अपनी पूरी तरह से मालिकाना हक वाली सब्सिडियरी सतलज हाउसिंग (SHPL) के जरिए प्रफुल्ल को-ऑपरेटिव हाउसिंग सोसाइटी के साथ एक डेवलपमेंट एग्रीमेंट रजिस्टर किया है। यह सोसाइटी मुंबई के दादर में एक बड़े क्लस्टर रीडेवलपमेंट प्रोजेक्ट का हिस्सा है।

Yes Bank

यस बैंक के बोर्ड ने इक्विटी सिक्योरिटीज जारी करके ₹7,500 करोड़ तक और डेट सिक्योरिटीज जारी करके ₹8,500 करोड़ तक जुटाने की मंज़ूरी दे दी है।

RITES, Container Corporation of India

राइट्स ने कंटेनर कॉर्पोरेशन ऑफ़ इंडिया (CONCOR) के साथ एक एमओयू किया है। इसके तहत वे CONCOR के टर्मिनल और एस्टैब्लिशमेंट्स के विकास और सुधार के लिए प्रोजेक्ट मैनेजमेंट कंसल्टेंसी (PMC) सेवाओं पर मिलकर काम करेंगे, जिसमें कॉन्सेप्ट से लेकर कमीशनिंग तक के प्रोजेक्ट शामिल होंगे।

Sterling and Wilson Renewable Energy

स्टर्लिंग एंड विल्सन रिन्यूएबल एनर्जी ने मिस्र और MENA क्षेत्र के प्रमुख कॉन्ट्रैक्टर में से एक हसन अल्लाम कंस्ट्रक्शन के साथ 50:50 के जॉइंट वेंचर में मिस्र के मिन्या गवर्नरेट में वेस्ट मिन्या सोलर पावर प्रोजेक्ट के लिए लगभग $5 करोड़ का ऑर्डर हासिल किया है।

Afcons Infrastructure

एफकॉन्स इंफ्रास्ट्रक्चर के बोर्ड ने वित्त वर्ष 2026 के लिए हर शेयर पर ₹2 के फाइनल डिविडेंड को मंजूरी दी है जिसकी रिकॉर्ड डेट 23 जुलाई है।

Juniper Hotels

जुनिपर होटल्स के सीएफओ तरुण जेटली ने नए मौकों की तलाश में इस्तीफा दे दिया है। जो 15 जुलाई से प्रभावी होगा।

Jagsonpal Pharmaceuticals

जगसोनपाल फार्मा ने ₹20.8 करोड़ में मुंबई की एक फार्मा कंपनी इक्विटास हेल्थकेयर में 85% इक्विटी हिस्सेदारी खरीदने के लिए एक डेफिनिटिव एग्रीमेंट किया है।

SJVN

एसजेवीएन ने गुजरात ऊर्जा विकास निगम (GUVNL) के साथ पावर पर्चेज एग्रीमेंट्स (PPAs) किया है। ये एग्रीमेंट्स हिमाचल प्रदेश में कंपनी की आने वाले समय में आने वाली पनबिजली परियोजनाओं—66 MW धौलासिध HEP, 210 MW लुहरी स्टेज-I HEP और 382 MW सुन्नी डैम HEP—से बिजली की सप्लाई के लिए हैं।

बल्क और ब्लॉक डील्स

Indo Tech Transformers

आईआईएफएल एसेट मैनेजमेंट ने प्रमोटर शिर्डी साई इलेक्ट्रिकल्स से प्रति शेयर ₹2,985 के भाव पर इंडो टेक ट्रांसफॉर्मर्स के 2 लाख शेयर (1.88% हिस्सेदारी) ₹59.7 करोड़ में खरीदे हैं।

Bliss GVS Pharma

इंस्टीट्यूशनल इंवेस्टर मैटेउस (Mateus) ने एरियन इन्वेस्टमेंट से प्रति शेयर ₹490 के भाव पर ब्लिस GVS फार्मा के 11.5 लाख शेयर (1.08% हिस्सेदारी) ₹56.35 करोड़ में खरीदे हैं।

Goodluck India

सेजवन-फ्लैगशिप ग्रोथ OE फंड ने प्रति शेयर ₹1420 के भाव पर गर्ग परिवार की कंपनी गुडलक इंडिया के अतिरिक्त 2.5 लाख शेयर (0.75% हिस्सेदारी) ₹35.5 करोड़ में खरीदे हैं। हालांकि प्रमोटर मनीष गर्ग ने कंपनी के 2.9 लाख शेयर (0.87% हिस्सेदारी) ₹1,420.81 के भाव पर ₹41.2 करोड़ में बेचे हैं। सेजवन के पास फ्लैगशिप ग्रोथ OE फंड समेत अपनी दो स्कीमों के जरिए मार्च 2026 तक गुडलक इंडिया में 2.46% हिस्सेदारी थी।

Multi Commodity Exchange of India

यूटीआई म्यूचुअल फंड ने मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज यानी MCX के 14.65 लाख शेयर (0.57% हिस्सेदारी) ₹425.01 करोड़ में प्रति शेयर ₹2,899.23 के भाव पर खरीदा है।

Pondy Oxides & Chemicals

प्रमोटर मंजू बंसल ने प्रति शेयर ₹1,270.27 के भाव पर पोंडी ऑक्साइड्स एंड केमिकल्स के 9 लाख शेयर (2.94% हिस्सेदारी) ₹114.32 करोड़ में बेच दिए। दूसरी तरफ ICICI प्रूडेंशियल म्यूचुअल फंड ने पोंडी ऑक्साइड्स एंड केमिकल्स के 4.72 लाख शेयर (1.54% हिस्सेदारी) ₹59.94 करोड़ में प्रति शेयर ₹1,270 के भाव पर खरीदे।

Ramco Systems

ओरेगन पब्लिक एम्प्लॉइज रिटायरमेंट सिस्टम ने रामको सिस्टम्स के 1.9 लाख शेयर (0.5% हिस्सेदारी) ₹14.73 करोड़ में प्रति शेयर ₹772.4 के भाव पर खरीदे। वहीं जेन सिक्योरिटीज ने ₹18.78 करोड़ में 2.39 लाख शेयर (0.63% हिस्सेदारी) प्रति शेयर ₹785.4 के भाव पर बेचे।

Shankara Building Products

प्रमोटर ‘द बालीगंज फैमिली ट्रस्ट’ (The Ballygunge Family Trust) ने प्रति शेयर ₹123.54 के भाव पर शंकर बिल्डिंग प्रोडक्ट्स के 1.36 लाख शेयर (0.56% हिस्सेदारी) ₹1.68 करोड़ में खरीदी है।

एक्स-डेट

आज बजाज फिनसर्व, बजाज होल्डिंग्स एंड इन्वेस्टमेंट, बजाज फाइनेंस, महाराष्ट्र स्कूटर्स और वेल्सपन कॉर्प के शेयर एक्स-डिविडेंड ट्रेड करेंगे तो पटेल इंटीग्रेटेड लॉजिस्टिक्स के बायबैक की भी आज एक्स-डेट है।

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GIFT Nifty में दबाव, US-ईरान की घबराहट के बीच लाल निशान में खुल सकता है बाजार, क्रूड ऑयल फिसला

GIFT Nifty ने मंगलवार को भारतीय बेंचमार्क इंडेक्स के लिए कमजोर शुरुआत का संकेत दिया, जो वॉल स्ट्रीट में रात भर की बढ़त और एशियाई बाजारों में तुलनात्मक रूप से स्थिर बढ़त को ट्रैक करता है, भले ही निवेशक US-ईरान की नई बातचीत से पहले सावधानी बरत रहे थे और मिडिल ईस्ट में हो रहे डेवलपमेंट पर नज़र रख रहे थे।

GIFT Nifty सुबह 8.31 बजे के आसपास 24,004 पर ट्रेड कर रहा था, जो 23.80 पॉइंट या 0.23 प्रतिशत नीचे था, जिससे पता चलता है कि सोमवार का सेशन गिरावट के साथ खत्म होने के बाद सेंसेक्स और निफ्टी आज फिर दबाव के साथ खुल सकते हैं।

भारतीय इक्विटी ने 29 जून को दो दिन की बढ़त का सिलसिला तोड़ दिया क्योंकि बड़े पैमाने पर प्रॉफिट बुकिंग ने सेंटिमेंट पर असर डाला। सेंसेक्स 372.10 पॉइंट या 0.48 प्रतिशत गिरकर 76,728.37 पर आ गया, जबकि निफ्टी 109.75 पॉइंट या 0.46 प्रतिशत गिरकर 23,946.25 पर बंद हुआ। सेशन के दूसरे हाफ में ऑटो, IT, ऑयल एंड गैस और बैंकिंग स्टॉक्स की वजह से बिकवाली का दबाव बढ़ गया, जबकि बड़े मार्केट में कमजोरी ने गिरावट को और बढ़ा दिया।

AI स्टॉक्स में रिकवरी के साथ वॉल स्ट्रीट में उछाल

US मार्केट्स में रात भर टेक्नोलॉजी शेयरों की वजह से अच्छी रिकवरी हुई, क्योंकि पिछले हफ्ते की तेज बिकवाली के बाद इन्वेस्टर्स पिटे हुए AI से जुड़े स्टॉक्स में लौट आए। डॉव जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज 0.59 परसेंट बढ़कर रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंच गया, जबकि S&P 500 में 1.18 परसेंट और नैस्डैक कंपोजिट में 2.07 परसेंट की बढ़त हुई।

हाल ही में वैल्यूएशन से हुई कमजोरी के बाद टेक्नोलॉजी स्टॉक्स ने बेहतर परफॉर्म किया, साथ ही इन्वेस्टर्स को मिडिल ईस्ट में तनाव कम होने से भी राहत मिली। यूनाइटेड स्टेट्स और ईरान के इस हफ्ते डिप्लोमैटिक कोशिशें जारी रखने की उम्मीद है, हालांकि ईरान ने कहा कि वीकेंड में मिसाइल एक्सचेंज के बाद दोहा में अभी तक कोई मीटिंग तय नहीं हुई है, जिस पर इस महीने की शुरुआत में सहमति बनी थी।

एशियाई मार्केट्स मिले-जुले, US-ईरान बातचीत से पहले तेल में नरमी

शुरुआती बढ़त फीकी पड़ने के बाद मंगलवार को एशियाई मार्केट्स को दिशा पाने में मुश्किल हुई। तिमाही में अच्छी तेज़ी के बाद साउथ कोरिया के टेक्नोलॉजी स्टॉक्स में गिरावट आई, जबकि हांगकांग का हैंग सेंग 0.5 परसेंट और शंघाई के स्टॉक्स 0.4 परसेंट गिरे। जापान का टॉपिक्स और ऑस्ट्रेलिया का ASX 200 थोड़ा बदला। US फ्यूचर्स मोटे तौर पर स्थिर रहे, जबकि यूरो स्टॉक्स 50 फ्यूचर्स 0.5 परसेंट बढ़े।

US-ईरान बातचीत के बारे में निवेशकों को ज़्यादा क्लैरिटी का इंतज़ार है, जिससे तेल की कीमतें कम हुईं। ब्रेंट क्रूड लगभग 1 परसेंट गिरकर $72.4 प्रति बैरल के करीब आ गया, जबकि US वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट $70.3 प्रति बैरल के करीब ट्रेड कर रहा था। यह गिरावट इस उम्मीद को दिखाती है कि वीकेंड में मिसाइल हमलों के फिर से होने के बावजूद डिप्लोमेसी से सप्लाई रिस्क कम हो सकता है।

दोहा बातचीत और मॉनसून की प्रोग्रेस पर मार्केट की नज़र

एनरिच मनी के CEO पोनमुडी आर ने कहा कि US-ईरान बातचीत के अगले राउंड से पहले इन्वेस्टर्स के डेवलपमेंट पर नज़र रखने की वजह से भारतीय इक्विटीज़ में सावधानी के साथ ट्रेड होने की संभावना है। उन्होंने कहा कि हाल की जियोपॉलिटिकल उथल-पुथल के बावजूद ब्रेंट क्रूड $70-71 प्रति बैरल की रेंज के पास बना हुआ है, लेकिन चेतावनी दी कि होर्मुज स्ट्रेट से शिपिंग में कोई भी रुकावट महंगाई और ग्लोबल रिस्क सेंटिमेंट को लेकर चिंताएं फिर से जगा सकती है। घरेलू स्तर पर, निवेशक गर्मियों की फसल की बुआई पिछले साल की रफ्तार से पीछे रहने के बाद मानसून की प्रगति पर भी करीब से नज़र रखेंगे।

टेक्निकल नजरिए से, पोनमुडी ने कहा कि निफ्टी को 24,100-24,200 ज़ोन में तुरंत रेजिस्टेंस का सामना करना पड़ रहा है, जबकि 23,900 पहला अहम सपोर्ट बना हुआ है। बैंक निफ्टी के लिए, 58,200-58,300 रीजन मुख्य रुकावट बना हुआ है, जबकि 57,600-57,500 ज़ोन से तुरंत सपोर्ट मिलने की उम्मीद है।

टेक्निकल नजरिए से, पोनमुडी ने कहा कि निफ्टी को 24,100-24,200 ज़ोन में तुरंत रेजिस्टेंस का सामना करना पड़ रहा है, जबकि 23,900 पहला अहम सपोर्ट बना हुआ है। बैंक निफ्टी के लिए, 58,200-58,300 का इलाका मुख्य रुकावट बना हुआ है, जबकि 57,600-57,500 ज़ोन से तुरंत सपोर्ट मिलने की उम्मीद है।

पिछले सेशन में इंस्टीट्यूशनल फ्लो मिला-जुला रहा। विदेशी इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स ने 29 जून को 1,350 करोड़ रुपये के भारतीय इक्विटी बेचे, जबकि घरेलू इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स ने लगातार पांचवें सेशन में 2,800 करोड़ रुपये की नेट खरीदारी के साथ अपनी खरीदारी का सिलसिला जारी रखा।

Asian Markets Today: एशियाई बाजारों में मिला-जुला कारोबार, निक्केई में बढ़त,US-ईरान बातचीत पर फोकस

(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Crude Oil Price: US-ईरान बातचीत की संभावना से कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट, ब्रेंट $72 प्रति बैरल के करीब

Crude Oil Price: मंगलवार को तेल की कीमतों में गिरावट आई क्योंकि इन्वेस्टर्स दोहा में होने वाली US-ईरान बातचीत के नतीजे का इंतज़ार कर रहे थे, जबकि दोनों पक्षों ने वीकेंड में मिसाइल हमले किए, जिससे चार महीने से चल रहे संघर्ष को खत्म करने के मकसद से किया गया अंतरिम सीजफ़ायर दबाव में आ गया।

मंगलवार को एक्सपायर होने वाला अगस्त डिलीवरी का ब्रेंट क्रूड फ्यूचर्स 1.03%, या 75 सेंट गिरकर $72.40 प्रति बैरल पर आ गया। ज़्यादा एक्टिवली ट्रेड होने वाला सितंबर ब्रेंट कॉन्ट्रैक्ट 0.54%, या 40 सेंट गिरकर $73.51 प्रति बैरल पर आ गया।

इस बीच, US वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (WTI) क्रूड 0.66%, या 47 सेंट गिरकर $70.32 प्रति बैरल पर आ गया।

आज कच्चे तेल की कीमतों को क्या चला रहा है?

ईरान के डिप्टी विदेश मंत्री काजम गरीबाबादी के हवाले से रॉयटर्स ने सोमवार को कहा कि ईरानी और ओमानी एक्सपर्ट्स आने वाले दिनों में होर्मुज स्ट्रेट के जरिए ट्रांजिट रूट को फिर से तय करने पर बातचीत शुरू कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि ईरान जहाजों को तय शिपिंग लेन से बाहर जाने से रोकने की कोशिश करेगा।

साथ ही, ईरानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता एस्माईल बघाई ने साफ किया कि आने वाले दिनों में अमेरिका के साथ किसी भी लेवल पर कोई मीटिंग या बातचीत तय नहीं है।

संभावित बातचीत को लेकर अलग-अलग संकेतों ने 17 जून के सीज़फ़ायर समझौते की कमज़ोरी को दिखाया, जिसने होर्मुज स्ट्रेट के ज़रिए दुनिया भर में तेल शिपमेंट में रुकावट डालने वाली दुश्मनी को कुछ समय के लिए रोक दिया था और नवंबर में होने वाले कांग्रेस चुनावों से पहले अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के लिए एक पॉलिटिकल टेस्ट खड़ा कर दिया था।

इज़राइल अमेरिका-ईरान शांति प्रक्रिया से बाहर रहा है और उसने सार्वजनिक रूप से इस समझौते से खुद को दूर रखा है।

शिपिंग डेटा के मुताबिक, होर्मुज स्ट्रेट में जहाजों पर नए हमलों और अमेरिका और ईरान के बीच नए हमलों के बावजूद, मिडिल ईस्ट के एनर्जी प्रोड्यूसर कच्चे तेल और LNG कार्गो लोड करना जारी रखे हुए हैं।

Crude Oil Price: US- ईरान शांति वार्ता अटकी, क्रूड में उबाल, $70 के ऊपर बना है भाव

(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Market cues : मोमेंटम पड़ा कमजोर,शॉर्ट टर्म में 23800-24200 की रेंज में ट्रेड होने की उम्मीद

Trade setup for today : 30 जून को डेरिवेटिव कॉन्ट्रैक्ट्स की मंथली एक्सपायरी से ठीक पहले,29 जून को निफ्टी में दूसरे हाफ में प्रॉफिट बुकिंग देखी गई और यह 0.50 फीसदी गिरकर बंद हुआ। इंडेक्स अपने शॉर्ट और मीडियम-टर्म मूविंग एवरेज से ऊपर ट्रेड कर रहा है,इसलिए इसका अंडरलाइंग ट्रेंड पॉजिटिव बना हुआ है। हालांकि,मोमेंटम इंडिकेटर और ऑसिलेटर एक ऐसे दौर का संकेत दे रहे हैं जिसमें बाजार में कोई खास हलचल नहीं होगी और यह एक दायरे में बना रहेगा। शॉर्ट टर्म में इंडेक्स के 23,800-24,200 की रेंज में ट्रेड करने की संभावना है। जानकारों के मुताबिक,अगर यह इस रेंज से नीचे जाता है तो बाजार पर गिरावट का दबाव बन सकता है। जबकि अगर यह वापस ऊपर आता है और इस स्तर से ऊपर बना रहता है,तो इंडेक्स 24,500-24,600 के जोन की ओर बढ़ सकता है।

यहां आपको कुछ ऐसे आंकड़े दे रहे हैं जिनके आधार पर आपको मुनाफे वाले सौदे पकड़ने में आसानी होगी।

Nifty के लिए की सपोर्ट और रजिस्टेंस लेवल

पिवट प्वांइट पर आधारित सपोर्ट : 23,922, 23,876 और 23,802

पिवट प्वांइट पर आधारित रजिस्टेंस : 24,072, 24,118 और 24,192

निफ्टी ने डेली टाइमफ्रेम पर स्मॉल अपर और लोअर शैडो के साथ एक बेयरिश कैंडल बनाई। इससे पता चलता है कि सेलिंग प्रेशर है,रुकावट के लेवल पर ब्रेकआउट फेल हो गया है और उस लेवल के आसपास इंडेक्स एक दायरे में ही घूम रहा है। इंडेक्स अपने शॉर्ट और मीडियम-टर्म मूविंग एवरेज से ऊपर ट्रेड कर रहा था,लेकिन 100-दिन के EMA को वापस हासिल नहीं कर पाया और अप्रैल की रैली के 23.6 प्रतिशत फाइबोनैचि रिट्रेसमेंट लेवल से नीचे आ गया। RSI 53.89 पर सिग्नल लाइन के करीब पहुंच गया,जबकि MACD हिस्टोग्राम पर हरा बार लगातार छठे सेशन में छोटा हो गया। इन सबसे पता चलता है कि तेजी का ट्रेंड तो बना हुआ है,लेकिन मोमेंटम कमज़ोर पड़ गया है,जिससे निकट भविष्य में रेंज-बाउंड ट्रेड की संभावना बढ़ गई है।

बैंक निफ्टी

पिवट पॉइंट्स के आधार पर रेजिस्टेंस: 58,154, 58,315 और 58,575

पिवट पॉइंट्स के आधार पर सपोर्ट: 57,634, 57,473 और 57,213

फाइबोनैचि रिट्रेसमेंट के आधार पर रेजिस्टेंस: 59,195, 61,678

फाइबोनैचि रिट्रेसमेंट के आधार पर सपोर्ट: 57,332, 56,465

बैंक निफ्टी ने डेली चार्ट पर एक’बेयरिश कैंडल’बनाई,जिससे पता चलता है कि प्रॉफिट बुकिंग हुई है और यह ऊंचे स्तरों पर टिक नहीं पाया। हालांकि, इंडेक्स सभी अहम मूविंग एवरेज से काफी ऊपर बना रहा और उनमें से ज़्यादातर ऊपर की ओर ही बढ़ रहे थे। RSI 60 के लेवल से ऊपर 61.92 पर रहा,हालांकि इसमें’बेयरिश क्रॉसओवर’दिखा। MACD जीरो और सिग्नल लाइन के ऊपर बना रहा,लेकिन MACD और सिग्नल लाइन के बीच का अंतर और कम हो गया। यह हिस्टोग्राम पर दिख रही हरी पट्टी से पता चलता है,जो लगातार छठे सेशन में छोटी हुई है। इन सबसे पता चलता है कि ओवरऑल ट्रेंड तो पॉज़िटिव है,लेकिन तेज़ी का मोमेंटम कम हो रहा है,जिससे संकेत मिलता है कि जल्द ही कंसोलिडेशन या रेंज-बाउंड ट्रेडिंग का दौर आ सकता है।

एफआईआई और डीआईआई फंड फ्लो

29 जून को विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) ने ₹1,350 करोड़ के शेयर बेचे और वे नेट सेलर बन गए। वहीं,घरेलू संस्थागत निवेशकों (DIIs) ने लगातार पांचवें सेशन में भी खरीदारी जारी रखी और ₹2,800 करोड़ के शेयर खरीदे।

इंडिया VIX

मार्केट में उतार-चढ़ाव की उम्मीद को मापने वाला इंडिया VIX 4.29 प्रतिशत बढ़कर 13.61 पर पहुंच गया,जिससे तेजड़ियों को थोड़ी परेशानी हुई। हालांकि,यह सभी अहम मूविंग एवरेज से नीचे बना रहा,जो’बुल्स’के लिए अच्छी बात है।

पुट कॉल रेशियो

बाजार के मूड को दर्शाने वाला निफ्टी पुट-कॉल रेशियो 29 जून को पिछले सेशन के 1.06 से घटकर 0.85 हो गया। गौरतलब है कि 0.7 से ऊपर या 1 को पार पीसीआर का जाना आम तौर पर तेजी की भावना का संकेत माना जाता है। जबकि 0.7 से नीचे या 0.5 की ओर गिरने वाला अनुपात मंदी की भावना का संकेत होता है।

F&O बैन के अंतर्गत आने वाले स्टॉक

F&O सेगमेंट के अंतर्गत प्रतिबंधित प्रतिभूतियों में वे कंपनियां शामिल होती हैं, जिनके डेरिवेटिव अनुबंध मार्केट वाइड पोजीशन लिमिट के 95 फीसदी से ज्यादा हो जाती हैं।

एफएंडओ प्रतिबंध में नए शामिल स्टॉक:कोई नहीं

एफएंडओ प्रतिबंध में पहले से शामिल स्टॉक:कोई नहीं

एफएंडओ प्रतिबंध से हटाए गए स्टॉक:कोई नहीं

 

 

HDFC बैंक ने एक्सिस बैंक के पूर्व एग्जीक्यूटिव पुनीत शर्मा को नियुक्त किया CFO, 1 दिसंबर से संभालेंगे कामकाज

 

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Asian Markets Today: एशियाई बाजारों में मिला-जुला कारोबार, निक्केई में बढ़त,US-ईरान बातचीत पर फोकस

एशियाई बाज़ार

वॉल स्ट्रीट पर रात भर की तेज़ी के बाद, मंगलवार को एशियाई बाज़ार ज़्यादातर ऊपर कारोबार कर रहे थे। जापान का निक्केई 225 0.29% और टॉपिक्स 0.17% बढ़ा। दक्षिण कोरिया का कोस्पी 0.92% गिरा, जबकि कोसडैक 0.88% गिरा। हांगकांग हैंग सेंग इंडेक्स फ्यूचर्स ने कम शुरुआत का संकेत दिया।

गिफ्ट निफ्टी 24,011 के लेवल के आसपास कारोबार कर रहा था, जो निफ्टी फ्यूचर्स के पिछले क्लोज से लगभग 38 पॉइंट्स का प्रीमियम था, जो भारतीय स्टॉक मार्केट इंडेक्स के लिए हल्की पॉजिटिव शुरुआत का संकेत देता है।

वॉल स्ट्रीट

US स्टॉक मार्केट सोमवार को तेज़ी से ऊपर बंद हुआ, जिसमें डाउ जोन्स ने प्रमुख टेक्नोलॉजी शेयरों में तेज़ी के कारण रिकॉर्ड ऊंचाई पर क्लोजिंग की।

डॉव जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज 306.63 पॉइंट्स या 0.59% बढ़कर 52,182.74 पर पहुंच गया, जबकि S&P 500 86.41 पॉइंट्स या 1.18% बढ़कर 7,440.43 पर पहुंच गया। नैस्डैक कंपोजिट 522.53 पॉइंट्स या 2.07% बढ़कर 25,820.14 पर बंद हुआ।

एनवीडिया के स्टॉक की कीमत 1.27% बढ़ी, AMD के शेयर 3.43% बढ़े, माइक्रोसॉफ्ट के शेयर 1.18% गिरे, अमेज़न के शेयर 3.20% बढ़े, एप्पल के स्टॉक की कीमत 0.72% गिरी, अल्फाबेट के शेयर 4.96% बढ़े, मेटा 2.24% बढ़ा, टेस्ला के स्टॉक की कीमत 8.46% बढ़ी और स्पेसएक्स के शेयर 7.15% बढ़े।

US-ईरान बातचीत

ईरान ने उन खबरों से इनकार किया है कि आने वाले दिनों में अमेरिका के साथ उसकी कोई बातचीत तय है। इस बीच, व्हाइट हाउस ने घोषणा की कि US के स्पेशल दूत स्टीव विटकॉफ और राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के सीनियर सलाहकार, जेरेड कुशनर, ईरानी अधिकारियों के साथ बातचीत के लिए मंगलवार को दोहा जाएंगे।

जापान फैक्ट्री आउटपुट

जापान का फैक्ट्री आउटपुट मई में पिछले महीने की तुलना में उम्मीद से कम गति से बढ़ा। मई में इंडस्ट्रियल आउटपुट पिछले महीने की तुलना में 0.5% बढ़ा, जबकि औसत बाजार अनुमान 1.1% बढ़ोतरी का था। यह बढ़ोतरी का दूसरा महीना था।

आज सोने का रेट

सोने की कीमतों में 1% से ज़्यादा की गिरावट आई और यह लगातार चौथे महीने गिरावट के लिए तैयार था। स्पॉट गोल्ड की कीमत 1.5% गिरकर $3,957.74 प्रति औंस हो गई और यह 12.7% की मासिक गिरावट के लिए तैयार थी। अगस्त डिलीवरी के लिए US गोल्ड फ्यूचर्स 1.7% गिरकर $3,971.60 पर आ गया। स्पॉट सिल्वर की कीमतें 2.4% गिरकर $56.89 प्रति औंस हो गईं।

क्रूड ऑयल की कीमतें

दोहा में US-ईरान बातचीत की उम्मीद से पहले क्रूड ऑयल की कीमतों में गिरावट आई। ब्रेंट क्रूड ऑयल की कीमत 1.03% गिरकर $72.40 प्रति बैरल हो गई, जबकि US वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (WTI) क्रूड 0.83% गिरकर $70.16 पर आ गया।

डॉलर

डॉलर इंडेक्स, जो US करेंसी को छह दूसरी यूनिट्स के मुकाबले मापता है, पिछले सेशन में 0.26% गिरने के बाद 101.6 पर था, लेकिन दूसरी तिमाही में 1.3% बढ़ने की उम्मीद है। येन 40 साल के सबसे निचले स्तर 162.27 प्रति डॉलर पर आ गया। यूरो $1.14165 पर था, जबकि स्टर्लिंग पिछली बार $1.3251 पर था।

 

(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

 

Housing Sales: ज्यादा घर, कम खरीदार? जानिए क्या बता रहा हाउसिंग सेल्स का लेटेस्ट डेटा

Housing Sales: देश के टॉप-7 शहरों में अप्रैल-जून 2026 तिमाही के दौरान घरों की बिक्री में सालाना आधार पर 6% की गिरावट दर्ज की गई। ANAROCK Research की रिपोर्ट के मुताबिक, पश्चिम एशिया में तनाव, भू-राजनीतिक अनिश्चितता और सप्लाई चेन की दिक्कतों की वजह से खरीदारों ने घर खरीदने का फैसला टाल दिया।

रिपोर्ट के अनुसार, अप्रैल-जून 2026 में करीब 90,715 घर बिके, जबकि पिछले साल की समान तिमाही में यह संख्या 96,285 थी। वहीं, जनवरी-मार्च 2026 तिमाही के मुकाबले बिक्री में 11% की गिरावट आई।

मुंबई और बेंगलुरु सबसे आगे

मुंबई महानगर क्षेत्र (MMR) और बेंगलुरु देश के सबसे बड़े हाउसिंग मार्केट बने रहे। दोनों शहरों की हिस्सेदारी कुल बिक्री में करीब 48% रही।

MMR में करीब 28,710 और बेंगलुरु में 15,285 घरों की बिक्री हुई। सात बड़े शहरों में सिर्फ कोलकाता (10%), हैदराबाद (2%) और बेंगलुरु (1%) में बिक्री बढ़ी। वहीं, पुणे में सबसे ज्यादा 15% की गिरावट दर्ज की गई।

बिक्री घटी, लेकिन नए प्रोजेक्ट बढ़े

घरों की बिक्री धीमी रहने के बावजूद बिल्डर्स ने नए प्रोजेक्ट लॉन्च करना जारी रखा। रिपोर्ट के मुताबिक, अप्रैल-जून 2026 में करीब 1.06 लाख नए घर लॉन्च हुए। यह पिछले साल के मुकाबले 7% ज्यादा है। हालांकि, पिछली तिमाही की तुलना में लॉन्च 16% घटे।

MMR और बेंगलुरु ने मिलकर कुल नए लॉन्च का 53% हिस्सा जोड़ा। हैदराबाद में नए प्रोजेक्ट्स 53%, बेंगलुरु में 41% और MMR में 23% बढ़े।

महंगे घरों की मांग ज्यादा

रिपोर्ट के मुताबिक, अब खरीदारों का रुझान महंगे घरों की ओर बढ़ रहा है। 80 लाख से 1.5 करोड़ रुपये कीमत वाले घरों की हिस्सेदारी सबसे ज्यादा 27% रही। 1.5 करोड़ से 2.5 करोड़ रुपये वाले घरों की हिस्सेदारी 25% और 2.5 करोड़ रुपये से ऊपर के लग्जरी घरों की हिस्सेदारी 22% रही।

वहीं, 40 लाख से 80 लाख रुपये वाले मिड-इनकम सेगमेंट की हिस्सेदारी 19% रही। सबसे सस्ते यानी अफोर्डेबल हाउसिंग की हिस्सेदारी घटकर सिर्फ 6% रह गई।

खरीदार क्यों हो रहे हैं सतर्क?

ANAROCK Group के चेयरमैन अनुज पुरी का कहना है कि पश्चिम एशिया में तनाव की वजह से सप्लाई चेन प्रभावित हुई और खरीदारों का भरोसा कमजोर पड़ा। इसके अलावा, IT और ITeS सेक्टर में AI के बढ़ते असर को लेकर भी अनिश्चितता है। इसी वजह से कई लोगों ने फिलहाल घर खरीदने का फैसला टाल दिया।

उन्होंने कहा कि नए प्रोजेक्ट्स में बढ़ोतरी की वजह उन जमीनों पर लॉन्च हुए प्रोजेक्ट्स हैं, जिन्हें बड़े लिस्टेड डेवलपर्स ने 2025 में खरीदा था। हालांकि, तिमाही आधार पर डेवलपर्स ने भी सतर्क रुख अपनाया।

घरों की कीमतें अब भी बढ़ रहीं

रिपोर्ट के मुताबिक, सात बड़े शहरों में औसत रिहायशी संपत्ति की कीमतें सालाना आधार पर 7% बढ़ीं। हालांकि, तिमाही आधार पर बढ़ोतरी सिर्फ 1% रही, जिससे कीमतों की रफ्तार कुछ धीमी होती दिखी।

सबसे ज्यादा 13% की बढ़ोतरी NCR में हुई। इसके बाद बेंगलुरु में औसत कीमतें 8% बढ़ीं।

बिना बिके घरों का स्टॉक बढ़ा

जून 2026 के अंत तक सात बड़े शहरों में बिना बिके घरों की संख्या बढ़कर 6.16 लाख से ज्यादा हो गई। यह पिछले साल की तुलना में 10% अधिक है।

बेंगलुरु में बिना बिके घरों का स्टॉक 34% बढ़ा। वहीं, NCR ऐसा इकलौता बड़ा बाजार रहा, जहां इन्वेंट्री लगभग स्थिर रही।

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