रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने मंगलवार को शंघाई सहयोग संगठन (SCO) की बैठक में आतंकवाद के खिलाफ सख्त संदेश दिया। उन्होंने कहा कि आतंकवाद को किसी भी तरह सही नहीं ठहराया जा सकता। मंत्री ने कहा कि आतंकवाद से निपटने में दोहरा रवैया नहीं होना चाहिए। आतंकियों को पैसा देने, उनका समर्थन करने और उन्हें पनाह देने वालों के लिए कोई जगह नहीं होनी चाहिए। पाकिस्तान के विदेश मंत्री इशाक डार भी बैठक में मौजूद थे। राजनाथ ने कहा कि आतंकवाद से निर्दोष लोगों की जान जाती है। इससे निवेश और कारोबार प्रभावित होते हैं, समाज में कट्टरता बढ़ती है। उन्होंने सदस्य देशों से आतंकवाद के खिलाफ बिना किसी भेदभाव के कार्रवाई करने की अपील की। राजनाथ ने अपने भाषण में पाकिस्तान या इशाक डार का नाम लेकर सीधे कोई आरोप नहीं लगाया। उन्होंने बिना नाम लिए चीन पर भी निशाना साधा और कहा कि कनेक्टिविटी के नाम पर किसी भी देश की संप्रभुता से समझौता नहीं किया जाना चाहिए। राजनाथ बोले- संप्रभुता का सम्मान करते हुए योजनाएं बनें राजनाथ सिंह ने कहा कि देशों को जोड़ने वाली परियोजनाएं सभी देशों की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता का सम्मान करते हुए बनाई जानी चाहिए। इसके लिए सभी संबंधित देशों से सलाह-मशविरा करना भी जरूरी है। उन्होंने कहा कि इन सिद्धांतों का पालन नहीं करने वाली परियोजनाएं लंबे समय तक टिकाऊ नहीं हो सकतीं। भारत ऐसी परियोजनाओं का समर्थन करता है, जो देशों के बाजारों को जोड़ें, व्यापार बढ़ाएं और विकास के नए रास्ते खोलें। लेकिन इनके नाम पर किसी देश की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता का उल्लंघन नहीं होना चाहिए। राजनाथ सिंह ने चीन का नाम नहीं लिया, लेकिन संप्रभुता और कनेक्टिविटी पर उनकी बात भारत के इसी पुराने रुख से जुड़ती है। इसके पीछे सबसे अहम मामला चीन-पाकिस्तान आर्थिक गलियारे का है। BRI प्रोजेक्ट का विरोध करता है भारत चीन ने 2013 में बेल्ट एंड रोड (BRI) पहल शुरू की थी। इसका मकसद सड़क, रेल, बंदरगाह और दूसरी बुनियादी सुविधाओं के जरिए चीन को एशिया, यूरोप और अन्य क्षेत्रों के बाजारों से जोड़ना है। चीन-पाकिस्तान आर्थिक गलियारा (CPEC) बेल्ट एंड रोड (BRI) पहल की प्रमुख परियोजनाओं में से एक है। यह चीन के शिनजियांग क्षेत्र को पाकिस्तान के ग्वादर बंदरगाह से जोड़ता है। इसका एक हिस्सा पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर से गुजरता है। भारत जम्मू-कश्मीर और लद्दाख के उन इलाकों को अपना हिस्सा मानता है, जिन पर पाकिस्तान का कब्जा है। भारत का कहना है कि इन इलाकों में चीन की परियोजनाएं उसकी संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता से जुड़े सवाल उठाती हैं। राजनाथ सिंह के बयान की 4 और अहम बातें… – चाबहार बंदरगाह पर: राजनाथ ने ईरान के चाबहार बंदरगाह और अंतरराष्ट्रीय उत्तर-दक्षिण परिवहन गलियारे का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि इनसे मध्य एशिया को बड़े बाजारों से जोड़ने और व्यापार बढ़ाने में मदद मिल सकती है। – SCO की भूमिका पर: राजनाथ ने कहा कि संगठन में सिर्फ नई संस्थाएं बनाने से उपलब्धियां नहीं बढ़ेंगी। नई व्यवस्थाएं ऐसी होनी चाहिए, जो सदस्य देशों की जरूरतें पूरी करें, पहले से चल रहे काम को न दोहराएं और लोगों को सीधा फायदा पहुंचाएं। – दुनिया की आर्थिक चुनौतियों पर: भू-राजनीतिक तनाव, व्यापार में रुकावटें, ऊर्जा और खाद्य सुरक्षा की चिंताएं और तकनीक के क्षेत्र में बढ़ता अंतर वैश्विक अर्थव्यवस्था के सामने बड़ी चुनौतियां हैं। राजनाथ ने इनसे निपटने के लिए आपूर्ति व्यवस्था मजबूत करने और व्यापार व निवेश को आसान बनाने पर जोर दिया। – व्यापार को आसान बनाने पर: राजनाथ ने कहा कि देशों को जोड़ने के लिए केवल सड़क, रेल और बंदरगाह बनाना काफी नहीं है। सीमा शुल्क की प्रक्रिया आसान करनी होगी, डिजिटल दस्तावेजों का इस्तेमाल बढ़ाना होगा और सामान की ढुलाई से जुड़ी व्यवस्थाओं को बेहतर बनाना होगा, ताकि कारोबार की लागत घटे।
अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रुबियो मंगलवार को तीन दिवसीय भारत दौरे पर मुंबई पहुंचे हैं। इस दौरे के दौरान भारत और अमेरिका के बीच व्यापार और रणनीतिक संबंधों को मजबूत करने पर चर्चा होने की उम्मीद है। अमेरिका के विदेश मंत्री रुबियो ने विदेश मंत्री एस. जयशंकर के साथ होने वाली बैठक से पहले दोनों देशों के बीच सहयोग और आगे की योजनाओं को लेकर अपनी बात रखी। उनके इस दौरे को भारत-अमेरिका संबंधों के लिहाज से अहम माना जा रहा है। मुंबई में पत्रकारों से बातचीत के दौरान मार्को रुबियो ने कई अहम अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर अपनी बात रखी।
उन्होंने यूक्रेन युद्ध, अमेरिका के हथियार नियंत्रण से जुड़े मामलों और रूस से तेल खरीदने को लेकर जारी चर्चाओं जैसे विषयों पर चर्चा की। इन मुद्दों को लेकर भारत और अमेरिका के बीच होने वाली बातचीत पर भी सबकी नजरें टिकी हुई हैं।
पॉजिटिव नतीजे देखने को मिलेगा
लंबे समय से चर्चा में चल रहे भारत-अमेरिका द्विपक्षीय समझौते की स्थिति पर बात करते हुए मार्को रुबियो ने साफ किया कि अमेरिकी विदेश विभाग सीधे तौर पर व्यापार समझौते पर बातचीत नहीं करता है। उन्होंने कहा, “ट्रेड एग्रीमेंट पर बातचीत की जिम्मेदारी विदेश विभाग की नहीं है, लेकिन इस पूरी प्रक्रिया में हमारी अहम भूमिका है। मैं और मेरे काउंटरपार्ट, नेशनल सिक्योरिटी एडवाइजर इस समझौते को लेकर काफी गंभीर हैं। हम इसे पूरा करने के बेहद करीब हैं। मेरा मानना है कि समझौते को अंतिम रूप देने के लिए अब केवल कुछ मुद्दों पर काम करना बाकी है, इसलिए इसके जल्द पूरा होने की उम्मीद है।”
उन्होंने आगे कहा कि, “हम चाहते हैं कि जल्द ही इस बारे में अच्छी खबर सामने आए और इसके बाद समझौते पर हस्ताक्षर किए जाएं। हमें पूरा भरोसा है कि आने वाले समय में इस दिशा में पॉजिटिव नतीजे देखने को मिलेंगे।”
रिलायंस के साथ होगी बैठक
इसके अलावा, उन्होंने बताया कि अमेरिकी डेलीगेशन वेनेजुएला में तेल उत्पादन को लेकर रिलायंस के साथ बैठक करेगा। उन्होंने कहा कि भारत ने अपनी पेट्रोलियम खरीद के स्रोतों में विविधता लाने की दिशा में काफी प्रगति की है, जिसे उन्होंने एक समझदारी भरा कदम बताया।
ग्लोबल एनर्जी जरूरतों को पूरा करने में भारत की भूमिका पर बात करते हुए मार्को रुबियो ने कहा कि, “भारत तेल रिफाइनिंग के मामले में काफी मजबूत है। उन्होंने बताया कि भारत के पास भारी कच्चे तेल को साफ करने और उससे उपयोगी ईंधन बनाने की क्षमता है और वह पहले भी ऐसा कर चुका है।” रुबियो के मुताबिक, “वेनेजुएला से तेल की आपूर्ति बढ़ने पर भारत इसका इस्तेमाल कर सकता है। उन्होंने ये भी कहा कि भारत के पास वेनेजुएला में पहले से ही तेल उत्पादन से जुड़े अधिकार हैं, जिनकी मदद से वह वहां अपना तेल उत्पादन बढ़ा सकता है।”
मार्को रुबियो ने तेल को लेकर क्या कहा
उन्होंने आगे कहा, “ये सभी सकारात्मक बातें हैं। मैं यह नहीं कह रहा कि दुनिया भर में चल रही घटनाओं के कारण तेल की आपूर्ति में जो कमी आ सकती है, उसे केवल वेनेजुएला ही पूरा कर सकता है। लेकिन मेरा मानना है कि लंबे समय में वेनेजुएला इसमें अहम योगदान दे सकता है और कम समय में भी कुछ राहत पहुंचा सकता है। यह उन मुद्दों में से एक है, जिन पर हम चर्चा करेंगे। भारत के साथ इस विषय पर पहले भी बातचीत हो चुकी है और वह इसके लिए तैयार नजर आ रहा है। भारत इस दिशा में आगे बढ़ने को इच्छुक है, हालांकि पाबंदियों से जुड़ी कुछ बाधाएं सामने आ सकती हैं, जिनका हमें समाधान निकालना होगा।”
दोनों देशों के संबंधों को और मजबूत बनाना
अपने भारत दौरे के महत्व पर बात करते हुए मार्को रुबियो ने कहा कि, “भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर इस साल चार बार अमेरिका का दौरा कर चुके हैं।” उन्होंने भारत को दुनिया का सबसे अधिक आबादी वाला देश और सबसे बड़ा लोकतंत्र बताते हुए कहा कि, अमेरिका के लिए भारत एक अहम व्यापारिक और कारोबारी साझेदार है। रुबियो ने दोनों देशों के बीच रक्षा क्षेत्र में सहयोग और क्वाड में भारत की महत्वपूर्ण भूमिका का भी जिक्र किया। उन्होंने भारत को अमेरिका का मजबूत रणनीतिक साझेदार बताया और कहा कि दोनों देशों के बीच संबंधों को और मजबूत बनाने के लिए अमेरिकी अधिकारियों को भारत के अधिक दौरे करने चाहिए।
यूक्रेन को लेकर क्या कहा
इसके अलावा, मार्को रुबियो ने यूक्रेन युद्ध और अमेरिका के हथियार नियंत्रण से जुड़े अहम अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर भी अपनी बात रखी। उन खबरों पर प्रतिक्रिया देते हुए, जिनमें कहा गया था कि डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन ने अमेरिकी रक्षा प्रणाली इस्तेमाल करने वाले सहयोगी देशों को यूक्रेन के लिए पैट्रियट मिसाइलें भेजने की मंजूरी रोक दी थी, रुबियो ने कहा कि यूक्रेन को जानबूझकर किसी भी तरह की मदद से वंचित नहीं किया जा रहा था। उन्होंने यह भी बताया कि ट्रंप उन आरोपों से नाराज थे, जिनमें कहा जा रहा था कि उनके फैसलों से यूक्रेन की स्थिति कमजोर हो रही है।
इसके अलावा, मार्को रुबियो ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि अगर चीन, रूस और अमेरिका के बीच हथियारों पर नियंत्रण को लेकर सहमति बनती है, तो यह पूरी दुनिया के लिए एक सकारात्मक कदम होगा। उन्होंने संकेत दिया कि इन तीनों देशों के बीच इस मुद्दे पर बातचीत आगे बढ़ने से वैश्विक सुरक्षा को मजबूत करने में मदद मिल सकती है।
IMD Weather Alert: देश भर में एक बार फिर मौसम का मिजाज तेजी से बदलने लगा है। दक्षिण भारत से लेकर मध्य भारत तक कई राज्यों में सक्रिय मौसमी प्रणालियों का असर साफ तौर पर देखने को मिल रहा है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) द्वारा जारी ताजा मौसम बुलेटिन के मुताबिक बुधवार 21 अक्टूबर को देश के कई प्रमुख राज्यों में भारी बारिश, आंधी-तूफान और वज्रपात (बिजली गिरने) की चेतावनी जारी की गई है। मौसम विभाग के इन अलर्ट्स ने कई इलाकों के लिए चिंता बढ़ा दी है। आइए विस्तार से जानते हैं कि 21 अक्टूबर को देश के विभिन्न हिस्सों में मौसम का हाल कैसा रहने वाला है और किन राज्यों में आंधी-बारिश का सबसे ज्यादा असर दिखेगा।
दक्षिण भारत में भारी से बहुत भारी बारिश का तांडव
दक्षिण प्रायद्वीप में उत्तर-पूर्वी मानसून और अन्य चक्रवाती प्रणालियों के मजबूत होने की वजह से बारिश का दौर पूरी तरह आक्रामक हो गया है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक 21 अक्टूबर को तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराइकल के अलग-अलग हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश होने की पूरी संभावना है। इन क्षेत्रों के लिए मौसम विभाग ने विशेष चेतावनी जारी की है। इसके अलावा अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, आंध्र प्रदेश, केरल व माहे और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक के विभिन्न जिलों में भी भारी बारिश होने की पूरी संभावना है। मौसम विभाग के मुताबिक इस दौरान तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराइकल के कुछ इलाकों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से लेकर 60 किमी/घंटे तक के तेज हवा के झोंके चल सकते हैं और गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली कड़क सकती है।
मध्य प्रदेश, तेलंगाना और लक्षद्वीप में आंधी-तूफान के साथ बौछारें
दक्षिण भारत के अलावा मध्य और तटीय क्षेत्रों में भी मौसम का मिजाज बदला रहेगा। मध्य प्रदेश, तेलंगाना, लक्षद्वीप, अंडमान-निकोबार द्वीप समूह, आंध्र प्रदेश और केरल व माहे के अलग-अलग हिस्सों में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे (झोंके 50 किमी/घंटे) की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और बादलों की गरज के साथ आकाशीय बिजली चमकने की गतिविधियां दर्ज की जाएंगी। मध्य प्रदेश के कई अंदरूनी हिस्सों में बादलों की आवाजाही के साथ हल्की से मध्यम बारिश और तेज हवाएं चलने का अनुमान जताया गया है। इससे तापमान में भी गिरावट दर्ज की जा सकती है।

कर्नाटक और तटीय इलाकों में वज्रपात की चेतावनी
कर्नाटक के विभिन्न अंदरूनी और तटीय इलाकों में कल गरज-चमक के साथ तीव्र आकाशीय बिजली गिरने की आशंका जताई गई है। स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग ने लोगों को खुले स्थानों पर न जाने और पेड़ों के नीचे शरण न लेने की सलाह दी है।
अरब सागर में स्क्वॉली वेदर और तेज हवाओं का पहरा
समुद्री और तटीय क्षेत्रों में लगातार बन रही मौसमी हलचल को देखते हुए मछुआरों और नौका चालकों के लिए विशेष चेतावनी जारी की गई है। दक्षिण-पश्चिम अरब सागर में स्क्वॉली वेदर के सक्रिय रहने के कारण वहां 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से लेकर 60 किमी/घंटे तक के तेज हवा के झोंके चलने की संभावना है। इसे ध्यान में रखते हुए संबंधित समुद्री इलाकों में न जाने की सलाह दी गई है।
भारतीय स्टेट बैंक (SBI) के ग्राहकों का डेटा चोरी होने का दावा किया गया है। Siriusim नाम के एक अज्ञात हैकर ग्रुप का कहना है कि उसके पास बैंक से जुड़े ग्राहकों के गोपनीय रिकॉर्ड हैं। इनमें निजी जानकारी, घर के पते, लोन एप्लीकेशन और खाता खोलने से जुड़े दस्तावेज शामिल हैं।
साइबर सिक्योरिटी पर नजर रखने वाले CyberPulse56 ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर इसकी जानकारी दी। अकाउंट के मुताबिक, हैकर ग्रुप के पास कथित तौर पर CSV फॉर्मेट में 3.75 लाख रिकॉर्ड और 2,722 PDF दस्तावेज हैं।
चोरी का डेटा सही हुआ तो?
हालांकि, SBI का डेटा चोरी होने के दावे की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है। अभी यह भी साफ नहीं है कि डेटा कहां से आया और क्या यह सीधे SBI के सिस्टम से जुड़ा है। रिकॉर्ड की संख्या से यह भी पता नहीं चलता कि कितने अलग-अलग ग्राहक प्रभावित हुए हैं।
CyberPulse56 ने 16 अक्टूबर को पहली बार इस दावे की जानकारी दी थी। वहीं, The Economic Times के मुताबिक, 20 अक्टूबर तक SBI ने उसकी ओर से भेजे गए सवालों का जवाब नहीं दिया था।
अगर यह डेटा असली साबित होता है, तो इसका गलत इस्तेमाल हो सकता है। साइबर अपराधी ग्राहकों की पहचान चुराने, वित्तीय धोखाधड़ी करने, फर्जी लोन आवेदन देने और फिशिंग के जरिए बैंकिंग जानकारी हासिल करने की कोशिश कर सकते हैं।
20 वित्तीय संस्थानों पर साइबर हमले
यह दावा ऐसे समय आया है, जब भारतीय वित्तीय संस्थानों पर साइबर हमलों की खबरें सामने आई हैं। The Economic Times ने 15 अक्टूबर को बताया था कि इसी महीने करीब 20 बैंक, NBFC और फिनटेक कंपनियां साइबर हमलों का शिकार हुई थीं। इन हमलों में कथित तौर पर चोरी किए गए लॉगिन क्रेडेंशियल और पेमेंट API की कमजोरियों का फायदा उठाया गया।
CERT-In ने 9 अक्टूबर को वित्तीय संस्थानों को ऐसे हमलों को लेकर चेताया था। हालांकि, इन घटनाओं और SBI से जुड़े दावे के बीच किसी संबंध की पुष्टि नहीं हुई है।
RBI के नियम क्या कहते हैं?
RBI के जुलाई 2026 में जारी निर्देशों के मुताबिक, बैंकों को साइबर घटना का पता चलने के छह घंटे के भीतर DAKSH प्लेटफॉर्म पर रिपोर्ट करना होगा। CERT-In को भी इसकी जानकारी देनी होगी। इसके अलावा, बैंकों को सुरक्षा में सेंध की जांच करनी होगी और ऐसी घटनाएं दोबारा रोकने के उपाय करने होंगे।
CERT-In के 2022 के निर्देशों में भी तय श्रेणी की साइबर घटनाओं की जानकारी छह घंटे के भीतर देने का प्रावधान है।
SBI ने ग्राहकों को क्या सलाह दी है?
SBI अपनी आधिकारिक वेबसाइट पर कहता है कि उसके डिजिटल बैंकिंग प्लेटफॉर्म अनधिकृत पहुंच से बचाव के लिए ऑथेंटिकेशन कंट्रोल, एन्क्रिप्टेड कम्युनिकेशन और दूसरे सुरक्षा उपायों का इस्तेमाल करते हैं।
बैंक ग्राहकों को यह भी सलाह देता है कि वे अपना पासवर्ड, PIN और OTP किसी के साथ साझा न करें। बैंकिंग से जुड़ी जानकारी मांगने वाले संदिग्ध मैसेज का जवाब देने से भी बचें। फिलहाल, Siriusim के दावे की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है। यह भी साफ नहीं है कि कथित डेटा असली है या इससे SBI के किसी ग्राहक की जानकारी वास्तव में उजागर हुई है।
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Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।
भारत में एक दूल्हे ने अपनी शादी को खास बनाने के लिए कुछ अलग करने का फैसला किया। आमतौर पर शादी में दूल्हा-दुल्हन के साथ परिवार, रिश्तेदार और दोस्त शामिल होते हैं, लेकिन इस दूल्हे ने अपने खेत में रहने वाली भैंसों को भी शादी का हिस्सा बनाया। उसका ये अनोखा अंदाज लोगों को काफी पसंद आ रहा है। सोशल मीडिया पर ये वीडियो काफी वायरल हो रहा है।
सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा वीडियो
सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक वीडियो में दूल्हा अपनी शादी में भैंसों के साथ नजर आ रहा है। उसने सफेद कपड़े, लाल स्टोल और सिर पर पारंपरिक साफा पहना हुआ है। शादी के मंडप को रंग-बिरंगे पर्दों से सजाया गया है, जहां कई भैंसें भी खड़ी दिखाई दे रही हैं। दूल्हे का अपनी भैंसों को शादी में शामिल करने का यह अनोखा अंदाज लोगों को काफी पसंद आ रहा है। वीडियो पर लोग मजेदार कमेंट्स भी कर रहे हैं।
भैंसे बनी चर्चा का विषय
इस शादी में भैंसों की मौजूदगी सबसे ज्यादा चर्चा का विषय बन गई है। वीडियो में देखा जा सकता है कि सजे हुए शादी के मंडप में कई भैंसें एक साथ खड़ी हैं और उनके आसपास मेहमान भी मौजूद हैं। दूल्हे के इस अनोखे अंदाज को देखकर लोग खूब हंस रहे हैं और मजेदार कमेंट कर रहे हैं। कुछ दर्शकों ने इसकी तुलना उन लोगों से भी की है, जो शादी में अपनी महंगी गाड़ियों और शानदार कपड़ों का दिखावा करते हैं। इस तरह दूल्हे का अपनी भैंसों को शादी में बुलाना लोगों के लिए मनोरंजन का खास कारण बन गया है।
लोगों ने किया कमेंट
कुछ लोगों ने दूल्हे के इस कदम को एक अलग नजरिए से देखा। उनका मानना था कि वह अपनी शादी के खास मौके पर अपनी जिंदगी से जुड़ी अहम चीजों को शामिल करना चाहता था। दूल्हे का अपनी भैंसों को समारोह में लाना यह दिखाता है कि उसे अपने जानवरों से कितना लगाव है और वे उसकी जिंदगी में कितनी अहमियत रखते हैं। इस वीडियो को देखने के बाद कई यूजर्स ने कमेंट करके अपनी प्रतिक्रियाएं दीं। कुछ लोगों ने मजाकिया अंदाज में कहा कि भैंसें भी शादी में शामिल होने की हकदार थीं, वहीं कुछ ने जानवरों की वफादारी की तारीफ की।
यूजर ने की तारीफ
एक यूजर ने लिखा, “ये ही हैं जो सच में हमारे खास मौकों पर शामिल होने के लायक हैं।” वहीं, दूसरे यूजर ने मजाक में कहा, “इसमें क्या परेशानी है? देखो, ये कितनी शर्मीली हैं और भाई की शादी में अच्छे बच्चों की तरह रहने की कोशिश कर रही हैं।” कुछ यूजर्स ने दूल्हे और उसकी भैंसों के बीच के प्यार और लगाव की भी तारीफ की। एक व्यक्ति ने लिखा, “इसे कहते हैं सच्चा प्यार।” वहीं, दूसरे यूजर ने कहा, “ये अपने मालिक के प्रति मेहमानों से भी ज्यादा सच्चे और वफादार होते हैं।” एक अन्य कमेंट में लिखा गया, “उसे पता है कि उसकी खुशी के लिए दिल से कौन दुआ कर रहा है।”
(डिस्क्लेमर: यह रिपोर्ट सोशल मीडिया पर यूज़र द्वारा शेयर किए गए कंटेंट पर आधारित है। मनीकंट्रोल इन दावों की न तो स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं करता है और न ही इनका समर्थन करता है।)
भारत टीम 5 मैचों की टी20 न्यूजीलैंड दौरे पर है। साल 2026 में दूसरी बार भारतीय टीम न्यूजीलैंड के खिलाफ पांच मैचों की T20I सीरीज खेलने उतरेगी। इस बार सीरीज के सभी मुकाबले न्यूजीलैंड की धरती पर होंगे। इससे पहले दोनों टीमों के बीच इसी साल टी20 मुकाबलों की सीरीज खेली जा चुकी है। इस सीरीज में भारतीय टीम की कमान श्रेयस अय्यर के हाथों में है। वहीं न्यूजीलैंड की कमान स्पिन गेंदबाज और ऑलराउंडर मिचेल सेंटनर संभाल रहे हैं। वहीं दोनों टीमों के बीच सीरीज का पहला मुकाबला 22 अक्टूबर को खेला जाएगा। वहीं इस सीरीज में भारत के तेज गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार की वापसी भी हो रही है। आइए जानते हैं कब और कहां पर खेला जाएगा मुकाबला
कितने बजे से शुरू होगा मुकाबला
भारत और न्यूजीलैंड के बीच सभी फॉर्मेट की सीरीज की शुरुआत T20I मुकाबलों से होगी। पांच मैचों की इस सीरीज का पहला मैच गुरुवार, 22 अक्टूबर को क्राइस्टचर्च के हेगले ओवल मैदान पर खेला जाएगा। भारत और न्यूजीलैंड के बीच मुकाबला रात 7:30 बजे से नहीं शुरू होगा। पांच मैचों की T20I सीरीज के सभी मुकाबले भारतीय समयानुसार दोपहर 12:30 बजे शुरू होंगे। मैच शुरू होने से ठीक आधे घंटे पहले यानी दोपहर 12 बजे टॉस किया जाएगा।
भुवनेश्वर-अर्शदीप होंगे तेज गेंदबाज
न्यूजीलैंड दौरे के लिए भारतीय टीम में कई अनुभवी खिलाड़ियों को जगह मिली है। न्यूजीलैंड के खिलाफ तेज गेंदबाजी की जिम्मेदारी भुवनेश्वर कुमार और अर्शदीप सिंह संभालेंगे। भुवनेश्वर भारत के लिए अब तक 88 T20I मैच खेल चुके हैं, जबकि अर्शदीप सिंह टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में भारत की ओर से सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज हैं। ऐसे में दोनों गेंदबाज न्यूजीलैंड के खिलाफ भारतीय टीम के लिए अहम भूमिका निभा सकते हैं।
मिचेल के हाथों में हैं कमान
न्यूजीलैंड ने भी भारत के खिलाफ घरेलू T20I सीरीज के लिए मजबूत टीम तैयार की है। टीम की कप्तानी स्पिन गेंदबाज और ऑलराउंडर मिचेल सेंटनर करेंगे। इसके अलावा, टीम में फिन एलन जैसे विस्फोटक बल्लेबाज भी शामिल हैं। न्यूजीलैंड की टीम में छह विशेषज्ञ तेज गेंदबाजों को शामिल किया गया है, जिनमें जैकब डफी, लॉकी फर्ग्यूसन, मैट हेनरी, काइल जैमीसन, एडम मिल्ने और ब्लेयर टिकनर के नाम शामिल हैं। ये सभी गेंदबाज अपनी रफ्तार और गेंदबाजी के दम पर भारतीय बल्लेबाजों को मुश्किल में डाल सकते हैं। ऐसे में इस सीरीज के दौरान भारतीय बल्लेबाजों के सामने कीवी टीम के तेज गेंदबाजी आक्रमण का सामना करना एक बड़ी चुनौती होगी।
कब-कब होंगे मुकाबले
भारत और न्यूजीलैंड के बीच पांच मैचों की T20I सीरीज का पहला मुकाबला 22 अक्टूबर, गुरुवार को खेला जाएगा। इसके बाद दोनों टीमें 24 अक्टूबर, शनिवार को दूसरे मैच में आमने-सामने होंगी। सीरीज का तीसरा मुकाबला 27 अक्टूबर, मंगलवार को, चौथा मैच 31 अक्टूबर, शुक्रवार को और पांचवां व आखिरी मुकाबला 1 नवंबर, रविवार को खेला जाएगा। इस तरह दोनों टीमों के बीच यह टी20 सीरीज अक्टूबर के आखिरी हफ्ते से शुरू होकर नवंबर की शुरुआत तक चलेगी।
भारत: श्रेयस अय्यर (C), तिलक वर्मा (VC), अभिषेक शर्मा, संजू सैमसन (WK), वैभव सूर्यवंशी, ईशान किशन (WK), अक्षर पटेल, शिवम दुबे, नीतीश कुमार रेड्डी, नमन धीर, प्रिंस यादव, मयंक यादव, अर्शदीप सिंह, भुवनेश्वर कुमार, वरुण चक्रवर्ती, कुलदीप यादव
न्यूज़ीलैंड: मिशेल सेंटनर (C), फिन एलन, माइकल ब्रेसवेल, जोश क्लार्कसन, डेवोन कॉनवे, जैकब डफी, लॉकी फर्ग्यूसन, मैट हेनरी, बेवोन जैकब्स, काइल जैमीसन, एडम मिल्ने, डेरिल मिशेल, ग्लेन फिलिप्स, टिम सीफर्ट, नाथन स्मिथ, ब्लेयर टिकनर
भारत टीम 5 मैचों की टी20 न्यूजीलैंड दौरे पर है। साल 2026 में दूसरी बार भारतीय टीम न्यूजीलैंड के खिलाफ पांच मैचों की T20I सीरीज खेलने उतरेगी। इस बार सीरीज के सभी मुकाबले न्यूजीलैंड की धरती पर होंगे। इससे पहले दोनों टीमों के बीच इसी साल टी20 मुकाबलों की सीरीज खेली जा चुकी है। इस सीरीज में भारतीय टीम की कमान श्रेयस अय्यर के हाथों में है। वहीं न्यूजीलैंड की कमान स्पिन गेंदबाज और ऑलराउंडर मिचेल सेंटनर संभाल रहे हैं। वहीं दोनों टीमों के बीच सीरीज का पहला मुकाबला 22 अक्टूबर को खेला जाएगा। वहीं इस सीरीज में भारत के तेज गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार की वापसी भी हो रही है। आइए जानते हैं कब और कहां पर खेला जाएगा मुकाबला
कितने बजे से शुरू होगा मुकाबला
भारत और न्यूजीलैंड के बीच सभी फॉर्मेट की सीरीज की शुरुआत T20I मुकाबलों से होगी। पांच मैचों की इस सीरीज का पहला मैच गुरुवार, 22 अक्टूबर को क्राइस्टचर्च के हेगले ओवल मैदान पर खेला जाएगा। भारत और न्यूजीलैंड के बीच मुकाबला रात 7:30 बजे से नहीं शुरू होगा। पांच मैचों की T20I सीरीज के सभी मुकाबले भारतीय समयानुसार दोपहर 12:30 बजे शुरू होंगे। मैच शुरू होने से ठीक आधे घंटे पहले यानी दोपहर 12 बजे टॉस किया जाएगा।
भुवनेश्वर-अर्शदीप होंगे तेज गेंदबाज
न्यूजीलैंड दौरे के लिए भारतीय टीम में कई अनुभवी खिलाड़ियों को जगह मिली है। न्यूजीलैंड के खिलाफ तेज गेंदबाजी की जिम्मेदारी भुवनेश्वर कुमार और अर्शदीप सिंह संभालेंगे। भुवनेश्वर भारत के लिए अब तक 88 T20I मैच खेल चुके हैं, जबकि अर्शदीप सिंह टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में भारत की ओर से सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज हैं। ऐसे में दोनों गेंदबाज न्यूजीलैंड के खिलाफ भारतीय टीम के लिए अहम भूमिका निभा सकते हैं।
मिचेल के हाथों में हैं कमान
न्यूजीलैंड ने भी भारत के खिलाफ घरेलू T20I सीरीज के लिए मजबूत टीम तैयार की है। टीम की कप्तानी स्पिन गेंदबाज और ऑलराउंडर मिचेल सेंटनर करेंगे। इसके अलावा, टीम में फिन एलन जैसे विस्फोटक बल्लेबाज भी शामिल हैं। न्यूजीलैंड की टीम में छह विशेषज्ञ तेज गेंदबाजों को शामिल किया गया है, जिनमें जैकब डफी, लॉकी फर्ग्यूसन, मैट हेनरी, काइल जैमीसन, एडम मिल्ने और ब्लेयर टिकनर के नाम शामिल हैं। ये सभी गेंदबाज अपनी रफ्तार और गेंदबाजी के दम पर भारतीय बल्लेबाजों को मुश्किल में डाल सकते हैं। ऐसे में इस सीरीज के दौरान भारतीय बल्लेबाजों के सामने कीवी टीम के तेज गेंदबाजी आक्रमण का सामना करना एक बड़ी चुनौती होगी।
कब-कब होंगे मुकाबले
भारत और न्यूजीलैंड के बीच पांच मैचों की T20I सीरीज का पहला मुकाबला 22 अक्टूबर, गुरुवार को खेला जाएगा। इसके बाद दोनों टीमें 24 अक्टूबर, शनिवार को दूसरे मैच में आमने-सामने होंगी। सीरीज का तीसरा मुकाबला 27 अक्टूबर, मंगलवार को, चौथा मैच 31 अक्टूबर, शुक्रवार को और पांचवां व आखिरी मुकाबला 1 नवंबर, रविवार को खेला जाएगा। इस तरह दोनों टीमों के बीच यह टी20 सीरीज अक्टूबर के आखिरी हफ्ते से शुरू होकर नवंबर की शुरुआत तक चलेगी।
भारत: श्रेयस अय्यर (C), तिलक वर्मा (VC), अभिषेक शर्मा, संजू सैमसन (WK), वैभव सूर्यवंशी, ईशान किशन (WK), अक्षर पटेल, शिवम दुबे, नीतीश कुमार रेड्डी, नमन धीर, प्रिंस यादव, मयंक यादव, अर्शदीप सिंह, भुवनेश्वर कुमार, वरुण चक्रवर्ती, कुलदीप यादव
न्यूज़ीलैंड: मिशेल सेंटनर (C), फिन एलन, माइकल ब्रेसवेल, जोश क्लार्कसन, डेवोन कॉनवे, जैकब डफी, लॉकी फर्ग्यूसन, मैट हेनरी, बेवोन जैकब्स, काइल जैमीसन, एडम मिल्ने, डेरिल मिशेल, ग्लेन फिलिप्स, टिम सीफर्ट, नाथन स्मिथ, ब्लेयर टिकनर
iQOO ने आखिरकार चीन में अपने नए स्मार्टफोन Neo 12 की लॉन्च डेट का ऐलान कर दिया है। कंपनी ने लॉन्च से पहले फोन का डिजाइन और कलर ऑप्शन भी दिखा दिए हैं। यह स्मार्टफोन खास तौर पर गेमिंग को ध्यान में रखकर बनाया गया है। इसमें Qualcomm का Snapdragon 8 Elite Gen 5 प्रोसेसर और कंपनी की Q3 गेमिंग चिप मिल सकती है। साथ ही फोन में बेहतर कूलिंग के लिए Ice Dome एक्टिव कूलिंग सिस्टम भी दिया जाएगा। लीक रिपोर्ट्स के मुताबिक, iQOO Neo 12 में 9,000mAh की बड़ी बैटरी मिल सकती है। इसके अलावा, फोन की एक लाइव तस्वीर भी ऑनलाइन लीक हुई है।
iQOO Neo 12 की लॉन्च डेट और डिजाइन की झलक सामने आई
iQOO Neo 12 को चीन में 28 अक्टूबर को स्थानीय समयानुसार शाम 7 बजे (भारतीय समयानुसार शाम 4:30 बजे) लॉन्च किया जाएगा। लॉन्च इवेंट के तुरंत बाद इसकी बिक्री शुरू हो जाएगी। कंपनी ने बताया है कि यह आने वाला फोन Contest, Shadow Black और Frost Blade Blue कलर में उपलब्ध होगा।
रिपोर्ट के मुताबिक, Shadow Black वेरिएंट में Silver फिनिश है, जबकि Frost Blade Blue हल्के नीले रंग का है। Contest कलर वाले वेरिएंट के पिछले हिस्से (रियर पैनल) पर एक नई टेक्सचर्ड फिनिश दी गई है, जिसमें लाइट का एक खास इफेक्ट दिखता है।
कंपनी ने इस नए डिवाइस को डिजाइन करने के लिए ‘चाइना एकेडमी ऑफ आर्ट’ के साथ मिलकर काम किया है। यह भी कन्फर्म हो गया है कि इस स्मार्टफोन में पॉलिश्ड मेटल फ्रेम होगा। आधिकारिक रेंडर में फोन के पीछे एक बड़ा, चौकोर आकार का कैमरा मॉड्यूल दिख रहा है, जिसके कोने गोल हैं। इस कैमरा मॉड्यूल में दो लेंस एक के ऊपर एक लगे हैं, और फ्लैश को इसके ठीक बाहर रखा गया है।
iQOO Neo 12 के रियर कैमरा मॉड्यूल पर Monster Inside की ब्रांडिंग है और लेंस के बगल में एक गोल जालीदार ग्रिल दी गई है। फोन के फ्रेम के दाईं ओर एग्जॉस्ट वेंट दिए गए हैं।
इसके अलावा, Weibo पर iQOO Neo 12 की कथित लाइव तस्वीरें सामने आई हैं। लीक हुए रेंडर में फोन का Frost Blade Blue वेरिएंट दिख रहा है।
यह भी कन्फर्म हो गया है कि iQOO Neo 12 Qualcomm के Snapdragon 8 Elite Gen 5 चिपसेट और कंपनी की अपनी Q3 गेमिंग चिप के साथ आएगा। इसमें एक इनबिल्ट कूलिंग फैन और Ice Dome एक्टिव कूलिंग सिस्टम होगा। माना जा रहा है कि इसमें 9,000mAh की बैटरी होगी, जो 100W वायर्ड फास्ट चार्जिंग को सपोर्ट करेगी।
लीक रिपोर्ट्स के मुताबिक, iQOO Neo 12 पिछले साल अक्टूबर में लॉन्च हुए iQOO Neo 11 का अगला मॉडल होगा। फिलहाल, इस नए स्मार्टफोन की प्री-बुकिंग Vivo China की वेबसाइट पर शुरू हो चुकी है।
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कोका-कोला की भारत में सबसे बड़ी बॉटलिंग कंपनी SLMG बेवरेजेस अगले 5 साल में अपना कारोबार बढ़ाकर 20,000 करोड़ रुपये तक पहुंचाना चाहती है। साथ ही कंपनी की योजना अगले 3 से 4 साल में IPO लाकर स्टॉक मार्केट में लिस्ट होने की है। यह बात कंपनी के जॉइंट मैनेजिंग डायरेक्टर परितोष लधानी ने एक इंटरव्यू में कही। SLMG Beverages की उत्तर प्रदेश और बिहार के प्रमुख बाजारों में अच्छी मौजूदगी है। कंपनी भारत में खपत बढ़ने से पैदा होने वाले अवसरों का फायदा उठाने के साथ-साथ विदेशी बाजारों में भी विस्तार की संभावनाएं तलाश रही है।
यह कंपनी कोका-कोला के दुनिया के टॉप 15 बॉटलिंग पार्टनर्स में शामिल है। इसका लक्ष्य अगले 5 सालों में वैश्विक स्तर पर टॉप 10 में जगह बनाना है। इसके अलावा, कंपनी अगले 10 सालों में दुनिया की टॉप 5 बॉटलिंग कंपनियों में शामिल होना चाहती है। कंपनी के पास उत्तर प्रदेश, बिहार, उत्तराखंड और मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों में कोका-कोला की बॉटलिंग के अधिकार हैं। न्यूज एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, लधानी ने इंटरव्यू में कहा, ‘‘हमें अगले 5 साल में कम से कम 20,000 करोड़ रुपये का कारोबार हासिल करना चाहिए। तब तक हम निश्चित रूप से शेयर बाजार में लिस्ट हो जाएंगे।’’
अभी 9,000 करोड़ रुपये है टर्नओवर
SLMG बेवरेजेस का मौजूदा ग्रॉस टर्नओवर करीब 9,000 करोड़ रुपये है। लधानी के मुताबिक, अगले साल तक इसके 10,000 करोड़ रुपये से अधिक पर पहुंचने की उम्मीद है। कंपनी अगले 3 साल में कारोबार को 15,000 करोड़ रुपये से अधिक तक पहुंचाने का लक्ष्य लेकर चल रही है। आगे कहा कि कंपनी फिलहाल डबल डिजिट ग्रोथ रेट से आगे बढ़ रही है। वित्त वर्ष 2025-26 में कंपनी के कारोबार में करीब 25 प्रतिशत की वृद्धि हुई, जबकि पिछले 4 सालों में इसकी कंपाउंडेड एनुअल ग्रोथ रेट (CAGR) 20 प्रतिशत से अधिक रही है।
SLMG Beverages के गोरखपुर प्लांट का निर्माण शुरू
विस्तार योजनाओं के तहत कंपनी बिहार के बक्सर स्थित अपने प्लांट में करीब 1,200 करोड़ रुपये का निवेश कर चुकी है। वहीं, उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में प्रस्तावित प्लांट बनना शुरू हो गया है। इस प्लांट पर करीब 1,000 करोड़ रुपये का निवेश किया जाएगा। लधानी का कहना है कि कंपनी ने उत्तर प्रदेश के मध्य और पश्चिमी हिस्सों में बॉटलिंग प्लांट लगाने के लिए जमीन भी खरीद ली है। इनका निर्माण जल्द शुरू होगा। इसके अलावा, बिहार में दूसरा प्लांट 2027 के बाद लगाया जाएगा। विस्तार योजनाओं का उद्देश्य उत्तर प्रदेश और बिहार में पेय पदार्थों की बढ़ती मांग को पूरा करना है। छोटे शहरों और ग्रामीण बाजारों में कारोबार बढ़ाने की काफी संभावनाएं हैं।
SLMG बेवरेजेस की मौजूदा बॉटलिंग क्षमता करीब 35,000 बोतल प्रति मिनट है। कंपनी अगले 5 सालों में इसमें 10,000 बोतल प्रति मिनट की अतिरिक्त क्षमता जोड़ने की योजना बना रही है। अगर कारोबार में वृद्धि की मौजूदा रफ्तार जारी रही तो अगले 10 सालों में कंपनी की बॉटलिंग क्षमता 1 लाख बोतल प्रति मिनट तक पहुंच सकती है।
Urmi Sinha IPS Story: बिहार के मुंगेर जिले से ताल्लुक रखने वाली उर्मी सिन्हा ने शायद खुद भी कभी नहीं सोचा होगा कि एक दिन पूरा देश उनका नाम सम्मान के साथ लेगा। लेकिन उनके बुलंद इरादों और सही दिशा में की गई मेहनत ने इस उपलब्धि को उनकी तरफ मोड़ दिया। उर्मी ने महज 21 साल की उम्र में देश की सबसे कठिन मानी जाने वाली संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की सिविल सेवा परीक्षा पास की। इतना ही नहीं, उन्होंने अपने लिए आईपीएस सेवा चुनकर सबसे कम उम्र की अधिकारी बनने का खिताब अपने नाम कर लिया।
तेलंगाना स्थित हैदराबाद की सरदार वल्लभभाई पटेल राष्ट्रीय पुलिस अकादमी (SVPNPA) में 17 अक्टूबर 2026 को पासिंग आउट परेड में 135 IPS अधिकारियों देश की पुलिस सेवा में शामिल हुए। इसमें उर्मी सिन्हा अपने बैच की सबसे कम उम्र की अधिकारी बनकर उभरी हैं। उर्मी ने प्रतिष्ठित संघ लोक सेवा आयोग की सिविल सेवा परीक्षा में ऑल इंडिया 170वीं रैंक हासिल की। उनकी आईपीएस ट्रेनिंग पूरी हो चुकी है। अब वह बतौर आईपीएस आंध्र प्रदेश कैडर में अपनी सेवाएं देने के लिए तैयार हैं।
बिहार से है उर्मी सिन्हा का गहरा नाता
आईपीएस उर्मी सिन्हा का देश के पूर्वी राज्यों बिहार और पश्चिम बंगाल से गहरा नाता है। बिहार के मुंगेर जिले के हवेली खड़गपुर स्थित मारवाड़ी टोला से जुड़ी उर्मी के पिता डॉ. रंजीत सिन्हा हावड़ा के प्रसिद्ध बाल रोग विशेषज्ञ हैं और मां कुशल गृहिणी हैं। उनका परिवार पश्चिम बंगाल के हावड़ा में बस गया था, जहां उनकी शुरुआती पढ़ाई पूरी हुई। इसके बाद उन्होंने कोलकाता के सेंट जेवियर्स कॉलेज से पॉलिटिकल साइंस में बीए की डिग्री हासिल की। ग्रेजुएशन पूरी होने के साथ ही उर्मी ने यूपीएससी सीएसई की तैयारी शुरू कर दी थी।
घर पर रह कर पूरी की यूपीएससी की तैयारी
उर्मी सिन्हा ने यूपीएससी की तैयारी अपने घर पर रहकर करने का फैसला किया। उन्होंने 2023 में ग्रेजुएशन के बाद ऑनलाइन स्टडी मटीरियल, मेंटर्स के सही गाइडेंस और खुद के बनाए स्टडी प्लान पर भरोसा किया। उन्होंने प्रीलिम्स, मेन्स और इंटरव्यू, तीनों चरण एक ही बार में पार कर लिए। UPSC CSE 2024 में AIR 170 हासिल कर उन्होंने अपना और अपने परिवार का नाम रोशन किया।
17 अक्टूबर को पासिंग आउट परेड में ली देश सेवा की शपथ
उर्मी 17 अक्टूबर 2026 को हैदराबाद के SVPNPA में 78वें नियमित बैच की पासिंग आउट परेड में शामिल थीं। इस बैच में 135 भारतीय आईपीएस अफसरों (37 महिला अधिकारी शामिल हैं) के अलावा नेपाल, भूटान और मालदीव के 16 विदेशी अधिकारी भी शामिल थे। इस बैच में 23 वर्षीय उर्मी सबसे युवा अधिकारी रहीं। पासिंग आउट परेड के बाद उर्मी सिन्हा अपने आवंटित आंध्र प्रदेश कैडर में तैनात होंगी और ट्रेनी आईपीएस अधिकारी पुलिस प्रशासन, कानून-व्यवस्था और फील्ड पुलिसिंग की प्रैक्टिकल ट्रेनिंग हासिल करेंगी।

