Petrol Diesel Price Today: पेट्रोल-डीजल के भाव में राहत या झटका? जानें 2 सितंबर के लेटेस्ट रेट

Petrol Diesel Price Today: हर दिन की शुरुआत सिर्फ सूरज की किरणों से नहीं होती, बल्कि पेट्रोल और डीजल की नई कीमतों से भी होती है, जो आम आदमी की जेब पर सीधा असर डालती हैं। सुबह 6 बजे देश की तेल विपणन कंपनियां (OMCs) ताजा दरें जारी करती हैं, जो अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों और डॉलर-रुपए की विनिमय दर में आए बदलावों पर आधारित होती हैं। ये बदलाव रोजमर्रा की जिंदगी को प्रभावित करते हैं, चाहे वो ऑफिस जाने वाला व्यक्ति हो या फल-सब्जी बेचने वाला व्यापारी।

ऐसे में हर दिन की कीमतों की जानकारी रखना सिर्फ जरूरी ही नहीं, बल्कि समझदारी भी है। सरकार की यह प्रणाली पारदर्शिता सुनिश्चित करती है ताकि उपभोक्ताओं को किसी तरह की भ्रमित जानकारी न मिले।

आपके शहर में आज का पेट्रोल-डीजल का भाव

ये रहे 02 सितंबर 2026 के प्रमुख शहरों के पेट्रोल-डीजल के ताजा रेट

नई दिल्ली: पेट्रोल ₹102.12 प्रति लीटर और डीजल ₹95.20 प्रति लीटर।

मुंबई: पेट्रोल ₹111.18 और डीजल ₹97.83 प्रति लीटर।

कोलकाता: पेट्रोल ₹113.47 जबकि डीजल ₹99.82 प्रति लीटर।

चेन्नई: पेट्रोल ₹107.77 और डीजल ₹99.55 प्रति लीटर।

गुरुग्राम: पेट्रोल ₹102.77 तथा डीजल ₹95.44 प्रति लीटर।

नोएडा: पेट्रोल ₹102.12 और डीजल ₹95.56 प्रति लीटर।

बेंगलुरु: पेट्रोल ₹110.93 जबकि डीजल ₹98.80 प्रति लीटर।

भुवनेश्वर: पेट्रोल ₹109.92 और डीजल ₹100.92 प्रति लीटर।

चंडीगढ़: पेट्रोल ₹98.10 तथा डीजल ₹86.09 प्रति लीटर।

हैदराबाद: पेट्रोल ₹115.69 और डीजल ₹103.82 प्रति लीटर।

जयपुर: पेट्रोल ₹112.66 जबकि डीजल ₹97.78 प्रति लीटर।

लखनऊ: पेट्रोल ₹102.05 और डीजल ₹95.55 प्रति लीटर।

पटना: पेट्रोल ₹113.35 तथा डीजल ₹99.36 प्रति लीटर।

तिरुवनंतपुरम: पेट्रोल ₹115.49 और डीजल ₹104.40 प्रति लीटर।

पिछले दो साल से स्थिर क्यों हैं कीमतें?

मई 2022 के बाद से केंद्र और कई राज्यों द्वारा टैक्स में कटौती की गई, जिसके बाद पेट्रोल-डीजल की कीमतों में स्थिरता देखी जा रही है। हालांकि अंतरराष्ट्रीय बाजार में उतार-चढ़ाव होता रहता है, फिर भी भारतीय उपभोक्ताओं के लिए कीमतें तुलनात्मक रूप से स्थिर बनी हुई हैं।

किन कारणों से तय होती हैं ईंधन की कीमतें?

  1. कच्चे तेल की कीमतें:

पेट्रोल और डीजल का उत्पादन मुख्य रूप से कच्चे तेल से होता है। जब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की कीमतें बढ़ती हैं, तो इसका असर सीधे भारतीय बाजार पर पड़ता है।

  1. डॉलर के मुकाबले रुपया:

भारत अधिकतर कच्चा तेल आयात करता है, और यह डॉलर में खरीदा जाता है। यदि रुपया कमजोर होता है, तो ईंधन महंगा हो जाता है।

  1. सरकारी टैक्स और शुल्क:

केंद्र और राज्य सरकारें पेट्रोल-डीजल पर भारी टैक्स लगाती हैं, जो खुदरा मूल्य का बड़ा हिस्सा होते हैं। यही कारण है कि राज्यों में कीमतों में अंतर होता है।

  1. रिफाइनिंग की लागत:

कच्चे तेल को इस्तेमाल लायक बनाने की प्रक्रिया (रिफाइनिंग) में भी खर्च होता है। ये लागत कच्चे तेल की गुणवत्ता और रिफाइनरी की क्षमता पर निर्भर करती है।

  1. मांग और आपूर्ति का संतुलन:

बाजार में ईंधन की मांग अगर बढ़ जाती है, तो कीमतें भी ऊपर जाने लगती हैं। खासकर त्योहारों, गर्मी या सर्दी के मौसम में ईंधन की खपत ज्यादा होती है।

कैसे करें अपने शहर की कीमतें SMS से चेक?

अगर आप मोबाइल से ईंधन की कीमत जानना चाहते हैं, तो ये प्रक्रिया आसान है:

Indian Oil ग्राहक: अपने शहर का कोड टाइप करें और उसे “RSP” के साथ 9224992249 पर भेजें।

BPCL ग्राहक: “RSP” लिखकर 9223112222 पर भेजें।

HPCL ग्राहक: “HP Price” लिखकर 9222201122 पर भेजें।

ईरान में शादी वाले घर पर अमेरिकी मिसाइल का कहर! बच्चे समेत 5 की मौत; तेहरान का जॉर्डन, कुवैत और बहरीन में US ठिकानों पर जवाबी हमला

US-Iran War Update: ईरान में अमेरिकी सैन्य कार्रवाई के दौरान एक दर्दनाक घटना सामने आई है। दक्षिणी ईरान में एक ऐसे रिहायशी मकान को मिसाइल हमले से नुकसान पहुंचा, जहां शादी का समारोह चल रहा था। अमेरिकी सेना के हमले में एक बच्चे समेत कम से कम 5 लोगों की मौत हो गई। जबकि 50 से अधिक लोग घायल बताए जा रहे हैं। वहीं, तेहरान ने जॉर्डन, कुवैत और बहरीन में मौजूद US ठिकानों पर जवाबी हमला किया है।

ईरानी रेड क्रिसेंट के मुताबिक, यह हमला होर्मोजगान प्रांत के सिरिक काउंटी के कुहेस्तक शहर में हुआ। जिस घर को हमले के दौरान नुकसान पहुंचा, वहां शादी का जश्न मनाया जा रहा था। रेड क्रिसेंट ने बताया कि अमेरिकी मिसाइल हमले के बाद मिसाइल के छर्रे रिहायशी मकान तक पहुंचे, जिससे वहां मौजूद लोग इसकी चपेट में आ गए।

रेड क्रिसेंट ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर जानकारी देते हुए कहा कि हमले में बड़ी संख्या में लोग घायल हुए हैं। शुरुआती जानकारी में एक छोटे बच्चे समेत चार लोगों की मौत की बात कही गई थी। जबकि बाद की रिपोर्टों में मृतकों की संख्या बढ़कर 5 बताई गई। घायलों की संख्या 50 से ज्यादा है।

मलबे में तब्दील हुआ घर, चीख-पुकार का वीडियो सामने आया

ईरानी सरकारी मीडिया ने हमले के बाद का कथित वीडियो भी जारी किया है। फुटेज में घटनास्थल पर भारी मलबा और मकान को हुआ नुकसान दिखाई देता है। वीडियो में आसपास मौजूद लोगों की चीख-पुकार भी सुनाई देती है। हालांकि, वीडियो और मृतकों तथा घायलों से जुड़े आंकड़ों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है।

ईरान का पलटवार, जॉर्डन, कुवैत और बहरीन में अमेरिका के ठिकानों पर मिसाइल और ड्रोन हमले

इस बीच, ईरान ने अमेरिका के खिलाफ जवाबी कार्रवाई तेज कर दी है। ईरान ने बुधवार तड़के जॉर्डन, कुवैत और बहरीन में अमेरिकी सैन्य हितों से जुड़े ठिकानों को निशाना बनाकर बैलिस्टिक मिसाइल और ड्रोन हमले किए। ये हमले अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की उस चेतावनी के कुछ ही समय बाद हुए, जिसमें उन्होंने ईरान को अमेरिका के खिलाफ किसी भी हमले की स्थिति में और ज्यादा कड़ा जवाब देने की चेतावनी दी थी।

ईरानी हमले ऐसे समय हुए जब अमेरिकी सेना ने दक्षिणी ईरान में हमलों की एक नई लहर शुरू की थी। अमेरिका का कहना है कि इन हमलों में ईरानी सेना इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) से जुड़े बुनियादी ढांचे को निशाना बनाया गया। वॉशिंगटन के मुताबिक, यह कार्रवाई हाल में होर्मुज जलडमरूमध्य में कमर्शियल जहाजों और अमेरिकी सैनिकों के खिलाफ कथित हमले के प्रयासों के जवाब में की गई।

जॉर्डन में 10 मिसाइलों को मार गिराने का दावा

जॉर्डन में ईरानी IRGC ने एक अमेरिकी मरीन कॉर्प्स बेस पर बड़े पैमाने पर बैलिस्टिक मिसाइल हमला करने का दावा किया। ईरानी मीडिया ने इस सैन्य ठिकाने की पहचान कैंप टिटिन के तौर पर की है, जो अकाबा की खाड़ी के पास स्थित बताया गया है। ईरानी न्यूज एजेंसी ‘तस्नीम’ ने दावा किया कि हमले में अमेरिकी सैनिकों को निशाना बनाया गया। जवाबी हमले में बड़ी संख्या में अमेरिकी सैनिकों के मारे जाने की बात कही। हालांकि, इस दावे की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है। दूसरी ओर, जॉर्डन की ओर से 10 ईरानी मिसाइलों को इंटरसेप्ट किए जाने की जानकारी सामने आई है।

हमले से बढ़ता तनाव, खाड़ी क्षेत्र पर मंडरा रहा खतरा

अमेरिका और ईरान के बीच लगातार बढ़ते सैन्य टकराव ने पूरे खाड़ी क्षेत्र में तनाव बढ़ा दिया है। एक तरफ अमेरिकी सेना ईरान के सैन्य और IRGC से जुड़े ठिकानों पर हमले कर रही है। वहींं ईरान जवाब में अमेरिकी सैन्य मौजूदगी वाले देशों और ठिकानों को निशाना बना रहा है। होर्मुज स्ट्रेट को लेकर भी स्थिति बेहद संवेदनशील बनी हुई है। यह क्षेत्र वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। यहां सैन्य तनाव बढ़ने का असर अंतरराष्ट्रीय व्यापार और तेल आपूर्ति पर भी पड़ सकता है।

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Trading Ideas: निफ्टी में अभी और गिरावट मुमकिन, कमजोर बाजार में भी इन दो शेयरों में हो सकती है कमाई

Trading Ideas : खराब ग्लोबल संकेतों के चलते कल 1 सितंबर को बाजार पर दबाव दिखा। हालांकि बाजार निचले स्तरों से सुधरकर बंद हुआ। निफ्टी और सेंसेक्स की फ्लैट क्लोजिंग हुई। वहीं मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में बिकवाली रही। निफ्टी 25 प्वाइंट गिरकर 24,056 पर बंद हुआ। सेंसेक्स 13 प्वाइंट गिरकर 76,944 पर बंद हुआ। बैंक निफ्टी 615 प्वाइंट गिरकर 57,410 पर बंद हुआ। मिडकैप 890 प्वाइंट गिरकर 63,335 पर बंद हुआ। निफ्टी के 50 में से 30 शेयरों में बिकवाली रही। सेंसेक्स के 30 में से 17 शेयरों में बिकवाली दिखी। बैंक निफ्टी के 14 में से 11 शेयरों में बिकवाली रही। वहीं, डॉलर के मुकाबले रुपया 21 पैसे मजबूत होकर 94.95 रुपए प्रति डॉलर पर बंद हुआ।

आज के लिए बाजार पर अपनी रणनीति साझा करते हुए manasjaiswal.com के मानस जायसवाल ने कहा कि कल निफ्टी ने नॉर्मल ट्रेडिंग आवर्स में 24,000 के लेवल को तो ब्रेक किया था। क्लोजिंग बेसिस पर यह 24050 के आसपास बंद हुआ। अगर हम निफ्टी फ्यूचर्स की बात करें तो चार्ट्स पर एक फ्रेश ब्रेकडाउन दिखता है। ऐसे में लगता है कि निफ्टी में और गिरावट हो सकती है। निफ्टी में हमें 23860 तक के लेवल्स देखने को मिल सकते हैं। इस गिरावट पर खरीदारी ना करें। कभी कोई उछाल मिले तो लॉन्ग पोजीशन से निकलना ही बेहतर रहेगा। अब आपको फ्रेश खरीदारी तभी करनी है जब निफ्टी 24,250 के ऊपर निकले और उसके ऊपर सस्टेन करना शुरू करें। उससे पहले सेल ऑन रैलीज़ का मार्केट बना रहेगा।

बैंक निफ्टी में भी 57,200 पर सपोर्ट है। अगर बैंक निफ्टी 57,200 के नीचे ट्रेड करने लगेगा तो गिरावट बढ़ेगी। ऐसी स्थिति में 56,800 तक के लेवल्स देखने को मिल सकते हैं। ऐसे में यहां भी सतर्क रहने की जरूरत है। खरीदारी तभी करें जब बैंक निफ्टी 58,000 के ऊपर सस्टेन होना शुरू करे।

मानस जायसवाल के टॉप पिक्स

आज के लिए उनकी एक बाय और एक सेल की रेमेंडेशन है। उनको आईटी स्पेस बढ़िया लगता है। आईटी स्पेस में काफी स्टॉक्स ऐसे हैं जहां पर फ्रेश ब्रेकआउट देखने को मिला है। HCLT जिसने अपने 200 डे मूविंग एवरेज को रिगेन कर लिया है, इसमें उनकी लॉन्ग साइड में ट्रेड लेने की सलाह है। इस शेयर में 1329 रुपए के स्टॉप लॉस के साथ, 1390 रुपए तक के टारगेट्स के लिए खरीदारी की सलाह है।

वहीं, SBI में बिकवाली की सलाह है। अगर आप SBI के चार्ट्स देखें तो इस स्टॉक ने 100 डे मूविंग एवरेज के सपोर्ट को तोड़ दिया है। यह 100 डे मूविंग एवरेज के नीचे फिसला है। स्टॉक अब 200 डे मूविंग एवरेज को टेस्ट कर सकता है। इसलिए SBI में बिकवाली करेंगे। इसके लिए 1041 रुपए के स्टॉप लॉस के साथ 1010 रुपए तक के टारगेट रखें।

 

Market cues : नियर टर्म में बाजार के सतर्क और कंसोलिडेशन के दौर में रहने के संकेत, इन लेवल्स पर रहे नजर

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

बाल धोने का तरीका बदलें! शैंपू से पहले एक्सपर्ट का ये 5 मिनट वाला तरीका अपनाएं

आजकल बालों से जुड़ी परेशानियां तेजी से बढ़ रही हैं। कंघी करते समय ज्यादा बाल निकलना, बालों का बीच से टूटना या धीरे-धीरे पतला होना कई लोगों के लिए चिंता बन गया है। ऐसे में बालों की खोई हुई मजबूती और चमक वापस पाने के लिए लोग अलग-अलग हेयर केयर प्रोडक्ट्स और घरेलू तरीकों का सहारा लेते हैं। लेकिन हर किसी के बाल अलग होते हैं, इसलिए एक ही तरीका सभी पर एक जैसा असर करे, यह जरूरी नहीं है। ऐसे में बालों की बेहतर देखभाल के लिए एक आसान रूटीन है, जिसे शैंपू करने से पहले ही अपनाया जा सकता है। इसे प्री-कंडीशनिंग कहा जाता है और इसमें बाल धोने से पहले सही तरीके से तेल लगाने और फिर हेयर वॉश करने का तरीका शामिल है। यदि आप भी बालों के झड़ने और टूटने से परेशान हैं, तो यह आसान तरीका हेयर केयर रूटीन में शामिल कर सकते है।

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1. शैंपू से पहले बालों को ऐसे करें तैयार

जावेद हबीब ने बाल धोने से पहले प्री-कंडीशनिंग का आसान तरीका बताया है। इसके लिए सबसे पहले बालों को हल्का गीला करें और फिर उनकी लंबाई पर थोड़ा तेल लगाएं। तेल लगाते समय बालों और स्कैल्प को जोर-जोर से रगड़ने या मसाज करने से बचें। इस प्रोसेस का मकसद बालों को शैंपू करने से पहले तैयार करना है, ताकि वॉश के दौरान बालों पर ज्यादा खिंचाव न पड़े।

2. स्कैल्प की सफाई पर दें खास ध्यान

बालों को हेल्दी और मजबूत बनाए रखने के लिए उनकी रेगुलर सफाई बहुत जरूरी है। स्कैल्प पर गंदगी, पसीना और तेल जमा रहने से बालों से जुड़ी कई परेशानियां हो सकती हैं। इसलिए अपने बालों के हिसाब से एक सही वॉशिंग रूटीन बनाएं और उसे रेगुलर फॉलो करें। साफ स्कैल्प बालों की बेहतर देखभाल की पहली सीढ़ी हो सकती है।3. कंघी करने का तरीका

यदि आपके बाल लंबे हैं, तो तेल लगाने के बाद उन्हें बहुत हल्के हाथों से कंघी कर सकते हैं। कंघी करते समय बालों को खींचें नहीं, क्योंकि गीले बाल आसानी से टूट सकते हैं। इसके बाद करीब 5 मिनट तक तेल को बालों पर लगा रहने दें। इसके बाद आप अपने सामान्य हेयर वॉश रूटीन को फॉलो कर सकते हैं।

4.  हेयर वॉश में रखें इन बातों का ध्यान

करीब 5 मिनट बाद बालों को धोया जा सकता है। इसके लिए आप अपने बालों के हिसाब से शैंपू का इस्तेमाल कर सकते हैं। जावेद हबीब ने बाल साफ करने के लिए शिकाकाई जैसे ट्रडीटोनाल हर्ब्स को भी एक ऑप्शन बताया है। सबसे जरूरी बात यह है कि बालों की सफाई और देखभाल को कभी-कभार नहीं, बल्कि रेगुलर रूटीन का हिस्सा बनाएं। यदि बहुत ज्यादा या लगातार बाल झड़ रहे हैं, तो इसके पीछे कई कारण हो सकते हैं, ऐसे में एक्सपर्ट की सलाह लेना बेहतर रहेगा।5. बालों को ज्यादा टाइट बांधने से बचें

बालों को लंबे समय तक बहुत टाइट पोनीटेल, जूड़ा या चोटी में बांधने से उनमें खिंचाव पड़ सकता है। गीले बालों को कसकर बांधने से बचें, क्योंकि इस समय बाल ज्यादा नाजुक होते हैं और आसानी से टूट सकते हैं। कोशिश करें कि बालों को ढीला रखें और सॉफ्ट हेयर टाई का इस्तेमाल करें।

बालों की बेहतर देखभाल के लिए छोटी-छोटी आदतों को अपने रूटीन का हिस्सा बनाना जरूरी है। शैंपू से पहले की सही देखभाल और रेगुलर हेयर केयर से बालों को हेल्दी और मजबूत बनाए रखने में मदद मिल सकती है। मानसून में इन आसान बातों का ध्यान रखकर बालों की खूबसूरती और सेहत बरकरार रखी जा सकती है। रेगुलर देखभाल से बालों को ज्यादा मैनेजेबल बनाए रखने में मदद मिल सकती है। इसके लिए बालों की जरूरत के हिसाब से सही रूटीन अपनाना भी जरूरी है।

Market cues : नियर टर्म में बाजार के सतर्क और कंसोलिडेशन के दौर में रहने के संकेत, इन लेवल्स पर रहे नजर

Trade setup for today : क्लोजिंग ऑक्शन सेशन (CAS) में आई रिकवरी की वजह से कल निफ्टी क्लोजिंग बेसिस पर 24,000 के लेवल से ऊपर वापस आ गया। हालांकि 1 सितंबर को इंडेक्स में थोड़ी गिरावट के साथ कारोबार खत्म हुआ। मिडिल ईस्ट में जारी उथल-पुथल के बीच टेक्निकल इंडिकेटर नियर टर्म में बाजार के सतर्क और कंसोलिडेशन के दौर में रहने का संकेत दे रहे हैं। मार्केट एक्सपर्ट् का कहना है कि अगर निफ्टी 24,000-23,950 के सपोर्ट जोन के नीचे टूटता है और वहां बना रहता है,तो यह 23,800 और फिर 23,600 की तरफ गिर सकता है। हालांकि,अगर इंडेक्स इस जोन के ऊपर बना रहता है तो 24,200-24,400 की तरफं ऊपर जाने की संभावना बढ़ सकती है। वीकली ऑप्शन डेटा से पता चलता है कि शॉर्ट टर्म में निफ्टी 23,500-24,500 की बड़ी रेंज में ट्रेड करता नजर आ सकता है।

यहां आपको कुछ ऐसे आंकड़े दे रहे हैं जिनके आधार पर आपको मुनाफे वाले सौदे पकड़ने में आसानी होगी।

निफ्टी 50 (24056) के लिए अहम लेवल

पिवट प्वांइट पर आधारित सपोर्ट : 23,978, 23,933 और 23,860

पिवट प्वांइट पर आधारित रेजिस्टेंस :24,123, 24,168 और 24,241

स्पेशल फॉर्मेशन : निफ्टी ने डेली टाइमफ्रेम पर ‘हाई-वेव कैंडलस्टिक पैटर्न’ बनाया,जो बुल्स और बेयर्स के बीच असमंजस की स्थिति को दिखाता है। इंडेक्स सभी अहम मूविंग एवरेज से नीचे बना रहा। मीडियम और लॉन्ग-टर्म मूविंग एवरेज काफी हद तक सपाट रहे,जबकि शॉर्ट-टर्म मूविंग एवरेज में गिरावट का ट्रेंड जारी रहा। 10-डे EMA भी 50-डे और 100-डे EMA से नीचे आ गया। RSI गिरकर 42.86 पर आ गया,जबकि MACD जीरो लाइन के नीचे अपना डाउनट्रेंड जारी रखे हुए है और रेड हिस्टोग्राम बार एक और सेशन के लिए बढ़ रहा है। ये सभी इंडिकेटर निकट भविष्य में कमजोरी और मार्केट में सतर्क नज़रिए की ओर इशारा कर रहे हैं।

बैंक निफ्टी (57410) के लिए अहम लेवल

पिवट पॉइंट्स के आधार पर रेजिस्टेंस: 57,677, 57,823 और 58,058

पिवट पॉइंट्स के आधार पर सपोर्ट: 57,207, 57,062 और 56,827

फाइबोनैचि रिट्रेसमेंट के आधार पर रेजिस्टेंस: 58,137, 58,706

फाइबोनैचि रिट्रेसमेंट के आधार पर सपोर्ट: 57,135, 56,870

स्पेशल फॉर्मेशन : बैंक निफ्टी ने दोनों तरफ विक्स (wicks) वाली एक ‘बेयरिश कैंडल’ बनाई जो उतार-चढ़ाव के बीच कमजोर का संकेत है। इसने पिछले दिन की सारी बढ़त गंवा दी और 1.06 फीसदी नीचे बंद हुआ। इंडेक्स अपने शॉर्ट-टर्म मूविंग एवरेज से नीचे आ गया है,जो सावधानी बरतने का संकेत है। हालांकि,इसका ओवरऑल स्ट्रक्चर पॉज़िटिव बना हुआ है क्योंकि इंडेक्स अभी भी अपने मीडियम और लॉन्ग-टर्म मूविंग एवरेज से ऊपर ट्रेड कर रहा है। RSI और MACD कई सेशन से ज्यादातर एक ही दायरे में बने हुए हैं,जिससे पता चलता है कि कोई मज़बूत दिशात्मक मोमेंटम नहीं है। कुल मिलाकर,टेक्निकल सेटअप से संकेत मिलता है कि निकट भविष्य में सावधानी के साथ कंसोलिडेशन हो सकता है। जब तक कि यह रेजिस्टेंस लेवल से ऊपर या मुख्य सपोर्ट लेवल से नीचे नहीं जाता, इंडेक्स के एक दायरे में ही बने रहने की संभावना है।

एफआईआई और डीआईआई फंड फ्लो (करोड़ रुपए में)

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इंडिया VIX

मार्केट में उतार-चढ़ाव (वोलैटिलिटी) का अनुमान लगाने वाला India VIX कल 9.25-12.12 के बड़े दायरे में घूमने के बाद बिना किसी बदलवा के 11.19 पर बंद हुआ। वोलैटिलिटी इंडेक्स अपने शॉर्ट-टर्म मूविंग एवरेज से नीचे और निचले दायरे में बना रहा। इससे पता चलता है कि मार्केट में चिंता कम है। कुल मिलाकर,हालात बताते हैं कि निकट भविष्य में वोलैटिलिटी के सीमित रहने की संभावना है,हालांकि इंडेक्स में अचानक बड़ी हलचल से वोलैटिलिटी बढ़ सकती है।

Market Insight : सितंबर के दूसरे भाग में निफ्टी में आ सकती है तेजी, छोटे-मझोले शेयरों में दिख रहा दम

पुट कॉल रेशियो

बाजार के मूड को दर्शाने वाला निफ्टी पुट-कॉल रेशियो 1 सितंबर को गिरकर 0.89 हो गया,जबकि पिछले सेशन में यह 0.91 था। गौरतलब है कि 0.7 से ऊपर या 1 को पार पीसीआर का जाना आम तौर पर तेजी की भावना का संकेत माना जाता है। जबकि 0.7 से नीचे या 0.5 की ओर गिरने वाला अनुपात मंदी की भावना का संकेत होता है।

F&O बैन के अंतर्गत आने वाले स्टॉक

F&O सेगमेंट के अंतर्गत प्रतिबंधित प्रतिभूतियों में वे कंपनियां शामिल होती हैं, जिनके डेरिवेटिव अनुबंध मार्केट वाइड पोजीशन लिमिट के 95 फीसदी से ज्यादा हो जाती हैं।

एफएंडओ प्रतिबंध में नए शामिल स्टॉक: कोई नहीं

एफएंडओ प्रतिबंध में पहले से शामिल स्टॉक: LIC हाउसिंग फाइनेंस, सेल (SAIL)

एफएंडओ प्रतिबंध से हटाए गए स्टॉक: कोई नहीं

 

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Rashifal Today: आज के दिन किस मूलांक के लोगों की चमकेगी किस्मत, जानें मूलांक 1 से 9 तक का भविष्यफल

Aaj Ka Rashifal: अंक ज्योतिष के अनुसार 2 सितंबर का दिन आर्थिक मामलों के लिहाज से अलग-अलग मूलांक वाले लोगों के लिए कई तरह के संकेत लेकर आया है। कुछ लोगों के लिए कमाई के नए रास्ते खुल सकते हैं, जबकि कुछ को खर्च और निवेश के मामले में सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। आइए जानते हैं मूलांक 1 से 9 तक के लिए आज का दिन कैसा रहेगा।

मूलांक 1

अगर आपका जन्म 1, 10, 19 या 28 तारीख को हुआ है, तो आज आर्थिक स्थिति सामान्य रह सकती है। बड़े निवेश का फैसला लेने से पहले अच्छी तरह सोचें। फिलहाल छोटे और सुरक्षित निवेश पर ध्यान देना बेहतर रहेगा। खर्चों को नियंत्रण में रखें। साथ ही, अपनी प्रतिभा और अनुभव के जरिए अतिरिक्त कमाई के मौके तलाश सकते हैं।

मूलांक 2

अगर आपका जन्म 2, 11, 20 या 29 तारीख को हुआ है, तो आज आर्थिक रूप से दिन अच्छा रह सकता है। किसी पुराने आर्थिक मामले को सुलझाने का मौका मिल सकता है। निवेश की योजना बनाने के लिए समय अनुकूल है, लेकिन बचत को भी प्राथमिकता दें। परिवार या करीबी लोगों से चर्चा करने पर आपको बेहतर आर्थिक फैसले लेने में मदद मिल सकती है।

मूलांक 3

अगर आपका जन्म 3, 12, 21 या 30 तारीख को हुआ है, तो आज पैसों के मामले में संतुलित रहने की जरूरत है। अपनी आर्थिक योजनाओं की दोबारा समीक्षा करना फायदेमंद रहेगा। जोखिम भरे निवेश से दूरी बनाए रखें और छोटी-छोटी चीजों पर होने वाले खर्च पर नजर रखें। कोई बड़ा आर्थिक फैसला लेने से पहले विशेषज्ञ या भरोसेमंद व्यक्ति की सलाह लें।

मूलांक 4

अगर आपका जन्म 4, 13, 22 या 31 तारीख को हुआ है, तो आज आर्थिक योजनाओं में बदलाव हो सकता है। ऐसे में बजट को नए सिरे से देखना जरूरी होगा। किसी पुराने आर्थिक विवाद या समस्या को खत्म करने का मौका मिल सकता है। निवेश से जुड़ा कोई भी फैसला जल्दबाजी में न लें और गैरजरूरी खर्चों से बचें।

मूलांक 5

अगर आपका जन्म 5, 15 या 23 तारीख को हुआ है, तो आज आर्थिक रूप से दिन काफी अच्छा रह सकता है। कमाई के नए साधन सामने आ सकते हैं और पुराने निवेश से लाभ मिलने की संभावना है। किसी नई योजना पर काम शुरू करने से पहले उसके सभी पहलुओं को अच्छी तरह समझ लें। कारोबार से जुड़े फैसलों में सावधानी बरतना जरूरी होगा।

मूलांक 6

अगर आपका जन्म 6, 15 या 25 तारीख को हुआ है, तो आज अपनी मेहनत का अच्छा परिणाम मिल सकता है। निवेश से जुड़ा कोई बेहतर अवसर सामने आ सकता है। परिवार की आर्थिक स्थिति में भी सुधार के संकेत हैं। पुराने कर्ज या पैसों से जुड़े विवाद सुलझ सकते हैं। फिर भी भविष्य के लिए बचत करना न भूलें और सुरक्षित निवेश को प्राथमिकता दें।

मूलांक 7

अगर आपका जन्म 7, 16 या 25 तारीख को हुआ है, तो आज आर्थिक स्थिति सामान्य रहेगी। आज बजट पर ध्यान देना और अनावश्यक खर्च रोकना जरूरी है। नए निवेश के अवसर आकर्षित कर सकते हैं, लेकिन बिना पूरी जानकारी के कोई फैसला न लें। किसी भरोसेमंद दोस्त या परिवार के सदस्य से सलाह लेना फायदेमंद हो सकता है।

मूलांक 8

अगर आपका जन्म 8, 17 या 26 तारीख को हुआ है, तो आज आर्थिक जीवन में आज कोई बड़ा बदलाव नहीं दिख रहा है। हालांकि खर्च बढ़ सकते हैं, लेकिन उन्हें संभाला जा सकता है। बचत को सुरक्षित रखने पर ध्यान दें और जोखिम वाले निवेश से बचें। लंबे समय से बनाई गई आर्थिक योजना को अब लागू करने पर विचार कर सकते हैं।

मूलांक 9

अगर आपका जन्म 9, 18 या 27 तारीख को हुआ है, तो आज आर्थिक रूप से दिन सकारात्मक रह सकता है। मेहनत का फायदा मिलने और किसी योजना के सफल होने की संभावना है। निवेश का नया विचार सामने आ सकता है, लेकिन किसी की सलाह पर आंख मूंदकर भरोसा न करें। खर्चों पर नियंत्रण रखें और अगर कोई पुराना आर्थिक विवाद है तो उसे सुलझाने की कोशिश करें।

डिस्क्लेमर: इस लेख की सामग्री पूरी तरह से ज्योतिषीय भविष्यवाणियों पर आधारित है। हम इसकी सत्यता और सटीकता का पूरी तरह दावा नहीं करते। यहां दी गई किसी भी जानकारी के आधार पर कोई वित्तीय, स्वास्थ्य या व्यावसायिक निर्णय लेने से पहले योग्य विशेषज्ञ से परामर्श अवश्य करें।

Spice Lounge ने नया एग्रो और फूड इमल्सीफायर बिजनेस लॉन्च किया, ₹1200 करोड़ के रेवेन्यू का टारगेट

हॉस्पिटैलिटी और लाइफस्टाइल कंपनी Spice Lounge Food Works Limited ने फूड इमल्सीफायर और एग्रो डिवीजन लॉन्च किया है। कंपनी का लक्ष्य इस नए बिजनेस से ₹1,200 करोड़ से ज्यादा का रेवेन्यू हासिल करना है। यह डिवीजन कंपनी की सप्लाई चेन को मजबूत करने और कारोबार को बैकवर्ड इंटीग्रेट करने पर फोकस करेगा।

क्या काम करेगा नया डिवीजन?

नए वर्टिकल में फूड इमल्सीफायर, एग्री-सोर्सिंग, प्रोसेसिंग और एग्रो-केमिकल्स शामिल होंगे। कंपनी का कहना है कि यह डिवीजन उसके मौजूदा रेस्टोरेंट और QSR बिजनेस को सप्लाई करेगा। Xora World के लाइव-इवेंट्स बिजनेस को भी इसका फायदा मिल सकता है।

B2B कारोबार पर भी फोकस

Spice Lounge का दावा है कि वो सिर्फ अपने कारोबार तक सीमित नहीं रहेगी। वह होटल, QSR चेन और फूड प्रोसेसिंग यूनिट्स को भी B2B सप्लाई देगी। कंपनी फूड इमल्सीफायर और दूसरे इंग्रीडिएंट्स की सप्लाई करेगी।

सप्लाई चेन को मजबूत करने की तैयारी

कंपनी ने कहा कि फूड इमल्सीफायर और एग्रो-केमिकल पार्टनरशिप पर काम चल रहा है। फार्म-गेट सोर्सिंग के लिए टाई-अप भी किए जा रहे हैं। प्रोसेसिंग इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार करने की प्रक्रिया भी जारी है।

आगे कंपनी प्रोसेसिंग क्षमता बढ़ाने की योजना बना रही है। B2B और संस्थागत ग्राहकों को जोड़ने पर भी जोर रहेगा। एक्सपोर्ट और ग्लोबल जॉइंट वेंचर की संभावनाएं भी तलाशी जाएंगी।

लाइव एंटरटेनमेंट बिजनेस का भी विस्तार

इससे पहले Spice Lounge ने अपने लाइव एंटरटेनमेंट वर्टिकल Xora World के विस्तार की जानकारी दी थी। कंपनी ने चार बड़े इवेंट्स का पोर्टफोलियो तैयार किया है। ये इवेंट्स गोवा, तिरुपति और हैदराबाद जैसे शहरों में आयोजित किए जाएंगे।

कंपनी को इन इवेंट्स से ₹20 करोड़ से ज्यादा का रेवेन्यू मिलने की उम्मीद है। इसमें दो मशहूर प्लेबैक सिंगर्स के इवेंट्स और एक ग्लोबल डांस फेस्टिवल शामिल हैं।

क्या करती है कंपनी?

Spice Lounge Food Works एक हॉस्पिटैलिटी और लाइफस्टाइल कंपनी है। इसका कारोबार फूड, कैजुअल डाइनिंग, प्रीमियम पब, नाइटलाइफ और लाइव एंटरटेनमेंट तक फैला है। कंपनी अपने और फ्रैंचाइजी मॉडल के कई ब्रांड्स के जरिए कारोबार करती है।

कंपनी के मुताबिक, इसके पोर्टफोलियो में Blaze Kebabs, Xora, Salud, Buffalo Wild Wings और Wing Zone जैसे ब्रांड शामिल हैं। कंपनी अब नए फूड और एग्रो वर्टिकल के जरिए अपने कारोबार को कई कैटेगरी में फैलाने की तैयारी कर रही है।

Stocks to Watch: 2 सितंबर को फोकस में रहेंगे ये 13 स्टॉक्स, दिख सकता है तगड़ा एक्शन

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

समय रैना का YouTube पर फूटा गुस्सा, नए View Count सिस्टम पर उठाए सवाल

मशहूर यूट्यूबर और कॉमेडियन समय रैना ने YouTube की खुलकर आलोचना की है। उन्होंने आरोप लगाया है कि प्लेटफॉर्म ने अपने व्यू-काउंटिंग सिस्टम में ऐसे बदलाव किए हैं जिनसे क्रिएटर्स पर बुरा असर पड़ सकता है और यह पता लगाना भी मुश्किल हो सकता है कि दर्शक किसी कंटेंट को कितना पसंद कर रहे हैं।

इस मुद्दे पर बात करते हुए रैना ने कहा कि YouTube ने वीडियो व्यूज को रिकॉर्ड करने का तरीका बदल दिया है, जिससे व्यू काउंट पहले के मुकाबले कम मायने रखते हैं। उनके मुताबिक, यह बदलाव तब सामने आया जब वह ‘इंडियाज गॉट लेटेंट’ (India’s Got Latent) के हालिया एपिसोड की परफॉर्मेंस देख रहे थे।

रैना ने बताया कि शो के पिछले कई एपिसोड के मुकाबले इस नए एपिसोड को ज्यादा व्यूज मिले थे, फिर भी लाइक्स की संख्या काफी कम थी। उन्होंने कहा कि इस अंतर को देखकर ही उन्होंने यह पता लगाने की कोशिश की कि प्लेटफॉर्म अभी व्यूअरशिप को कैसे मापता है।

समय रैना ने यूट्यूब पर लगाए आरोप

इस बदलाव के बारे में अपनी समझ बताते हुए, रैना ने आरोप लगाया कि पहले YouTube किसी वीडियो पर ‘व्यू’ तभी गिनता था जब कोई यूजर उसे कुछ समय तक (लगभग 30 सेकंड) देखता था। उन्होंने दावा किया कि नए सिस्टम के तहत, अगर कोई दर्शक वीडियो पर क्लिक करता है और उसे बस एक पल के लिए देखकर छोड़ देता है, तब भी ‘व्यू’ गिना जा सकता है। इस अपडेट को प्लेटफॉर्म के सबसे खराब फैसलों में से एक बताते हुए, रैना ने तर्क दिया कि इससे दर्शकों की असली दिलचस्पी का पता चले बिना ही ‘व्यू काउंट’ बढ़ जाता है।

कॉमेडियन ने आगे कहा कि हो सकता है YouTube, Meta के इकोसिस्टम से आइडिया ले रहा हो, जहां वीडियो व्यूज को अक्सर पारंपरिक लंबे वीडियो वाले प्लेटफॉर्म से अलग तरह से गिना जाता है। उनके नजरिए से, इस बदलाव से ‘व्यू काउंट’ की उस अहमियत के कम होने का खतरा है जो दर्शकों के जुड़ाव (engagement) का एक भरोसेमंद पैमाना माना जाता है।

रैना ने तर्क दिया कि क्रिएटर्स हमेशा से वॉच टाइम, लाइक्स और ऑडियंस रिटेंशन जैसे पैमानों पर निर्भर रहे हैं, ताकि यह समझ सकें कि दर्शकों को उनका कंटेंट पसंद आ रहा है या नहीं। उन्होंने कहा कि अगर बहुत कम समय के इंटरैक्शन से भी व्यूज मिल सकते हैं, तो किसी वीडियो के असल असर का अंदाजा लगाने के लिए यह संख्या बहुत कम काम की रह जाएगी।

समय रैना ने अपने ‘Still Alive’ के आंकड़ों का दिया उदाहरण

अपने ही चैनल का उदाहरण देते हुए, रैना ने कहा कि अगर प्लेटफॉर्म के गिनती के तरीके बदल गए हैं, तो उनके सबसे ज्यादा देखे गए कुछ वीडियो अब शायद दर्शकों की असल दिलचस्पी को सही ढंग से न दिखा पाएं। उन्होंने सवाल उठाया कि YouTube ऐसी दिशा में क्यों बढ़ रहा है, जिससे उनके मुताबिक क्रिएटर्स के लिए अपने कंटेंट के असल परफॉर्मेंस का अंदाजा लगाना मुश्किल हो जाता है।

इस यूट्यूबर ने प्लेटफॉर्म के फैसलों और क्रिएटर्स की जरूरतों के बीच बढ़ती दूरी को लेकर भी निराशा जताई। अपनी बात रखते हुए, रैना ने इस मामले को संभालने के YouTube के तरीके की कड़ी आलोचना की और कहा कि ऐसे बदलावों से आखिरकार उन क्रिएटर्स को नुकसान हो सकता है जो बढ़ा-चढ़ाकर दिखाए गए व्यू काउंट के बजाय असल जुड़ाव (meaningful engagement) पर निर्भर करते हैं।

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Stocks to Watch: 2 सितंबर को फोकस में रहेंगे ये 13 स्टॉक्स, दिख सकता है तगड़ा एक्शन

Stocks to Watch: बुधवार 2 सितंबर को कई बड़ी कंपनियों के शेयरों पर नजर रहेगी। अगस्त की सेल्स, नए ऑर्डर और बड़े बिजनेस अपडेट सामने आए हैं। रिन्यूएबल एनर्जी, FMCG, IT और मेटल सेक्टर की कंपनियां फोकस में रहेंगी। यहां 13 ऐसे स्टॉक्स हैं, जिनमें बुधवार को हलचल देखने को मिल सकती है।

Hero MotoCorp

देश की सबसे बड़ी टू-व्हीलर कंपनी Hero MotoCorp की घरेलू बिक्री अगस्त में 4.5% बढ़कर 5.42 लाख यूनिट रही। स्कूटर की बिक्री बढ़ने से मोटरसाइकिल की बिक्री में आई गिरावट का असर कम हुआ। कुल बिक्री और एक्सपोर्ट मिलाकर डिस्पैच 2.6% बढ़कर 5.68 लाख यूनिट रहे।

Coal India

सरकारी कोयला कंपनी Coal India ने अगस्त के ई-ऑक्शन में 210.66 लाख टन कोयला ऑफर किया। इसमें से 82.76 लाख टन की एलोकेशन हुई। यानी करीब 39% कोयला बिका। खास बात यह रही कि औसत कीमत नोटिफाइड प्राइस से 59% ज्यादा रही।

NMDC

सरकारी खनन कंपनी NMDC ने अगस्त में उत्पादन बढ़ने की जानकारी दी है। कंपनी का कुल उत्पादन बढ़कर 40.7 लाख टन हो गया। एक साल पहले अगस्त में यह 33.7 लाख टन था। वहीं, बिक्री 35.8 लाख टन रही, जो पिछले साल 33.9 लाख टन थी।

Ujjivan Small Finance Bank

स्मॉल फाइनेंस बैंक Ujjivan Small Finance Bank ने बताया कि RBI ने कैरल फर्टाडो को अंतरिम CEO बनाने की मंजूरी दे दी है। उनकी नियुक्ति 1 सितंबर 2026 से प्रभावी होगी। वह तीन महीने तक इस पद पर रहेंगी।

Gland Pharma

फार्मा कंपनी Gland Pharma की विशाखापट्टनम स्थित API फैसिलिटी में US FDA ने 24 अगस्त से 1 सितंबर 2026 के बीच GMP इंस्पेक्शन किया। कंपनी के मुताबिक, इस इंस्पेक्शन के बाद फैसलिटी को US FDA से कोई आपत्ति नहीं मिली है। इसे कंपनी के लिए बड़ा पॉजिटिव अपडेट माना जा रहा है।

Adani Green Energy

रिन्यूएबल एनर्जी कंपनी Adani Green Energy की सब्सिडियरी ने गुजरात के खावड़ा में 139 MW का सोलर प्रोजेक्ट चालू कर दिया है। इसके बाद कंपनी की कुल ऑपरेशनल रिन्यूएबल एनर्जी कैपेसिटी बढ़कर 20,280.8 MW हो गई है।

Reliance Industries

तेल से रिटेल तक कारोबार करने वाली Reliance Industries की सब्सिडियरी RCPL ने आइसक्रीम बाजार में एंट्री कर ली है। कंपनी ने ‘Bombay Creamery’ नाम से नया ब्रांड लॉन्च किया है। इसकी शुरुआती कीमत ₹10 रखी गई है। आइसक्रीम को रियल डेयरी क्रीम से तैयार किया जाएगा।

ARSS Infrastructure Projects

इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी ARSS Infrastructure Projects को ईस्ट कोस्ट रेलवे से करीब ₹104.06 करोड़ का वर्क ऑर्डर मिला है। यह ऑर्डर हावड़ा-विशाखापट्टनम मुख्य रेल लाइन पर दो रोड ओवर ब्रिज बनाने से जुड़ा है।

Ashiana Housing

रियल एस्टेट कंपनी Ashiana Housing ने अगस्त 2026 में 1.67 लाख वर्ग फुट एरिया की बुकिंग की। इसकी वैल्यू ₹165.93 करोड़ रही। अगस्त तक कंपनी की YTD बुकिंग 11.30 लाख वर्ग फुट तक पहुंच गई, जिसकी कुल वैल्यू ₹1,025.34 करोड़ है।

L&T Finance

फाइनेंशियल सर्विसेज कंपनी L&T Finance को IRDAI से कॉरपोरेट एजेंट के तौर पर Perpetual Registration मिल गया है। कंपनी का नया सर्टिफिकेट 31 अगस्त 2026 से लागू हो गया है। इससे कंपनी को इंश्योरेंस प्रोडक्ट्स के डिस्ट्रीब्यूशन से जुड़े कारोबार को बढ़ाने में मदद मिल सकती है।

ITC

FMCG कंपनी ITC की सब्सिडियरी ITC Infotech के साथ Blazeclan Technologies और Cloudlytics Technologies के मर्जर को NCLT की कोलकाता और मुंबई बेंच से मंजूरी मिल गई है। यह मंजूरी ITC Infotech के डिजिटल और क्लाउड कारोबार को मजबूत कर सकती है।

Wipro

IT कंपनी Wipro ने ABB के साथ अपने ग्लोबल डिजिटल वर्कप्लेस सर्विसेज एंगेजमेंट को आगे बढ़ाया है। इस समझौते के तहत डिजिटल वर्कप्लेस सर्विसेज को बेहतर बनाने और उन्हें आगे डेवलप करने पर काम होगा।

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Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।