कल का मौसम 16 अक्टूबर: उत्तर-पूर्वी मानसून का असर! इन राज्यों में मूसलाधार बारिश का अलर्ट, दिल्ली-यूपी में थंडरस्टॉर्म

IMD Mausam Update: देश भर में दक्षिण-पश्चिम मानसून की पूरी तरह विदाई के बाद अब उत्तर-पूर्वी मानसून पूरी तरह सक्रिय हो गया है। इसके असर से दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत में मौसम का मिजाज बेहद आक्रामक हो गया है। इसके अलावा उत्तर-पश्चिम और मध्य भारत के कई हिस्सों में भी मौसमी प्रणालियों का मिलाजुला असर देखने को मिल रहा है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) द्वारा जारी ताजा मौसम बुलेटिन के मुताबिक 16 अक्टूबर को दक्षिण भारत के कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश का दौर चलेगा जबकि दिल्ली-एनसीआर और उत्तर प्रदेश समेत कई मैदानी इलाकों में गरज-चमक के साथ तेज हवाएं चलने की चेतावनी जारी की गई है।

आइए जानते हैं कल 16 अक्टूबर को देश के विभिन्न हिस्सों में कैसा रहेगा मौसम का हाल।

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दक्षिण भारत में उत्तर-पूर्वी मानसून का प्रकोप, मूसलाधार बारिश का अलर्ट

दक्षिण प्रायद्वीप में उत्तर-पूर्वी मानसून के जोर पकड़ने की वजह से बड़े पैमाने पर बारिश की गतिविधियां शुरू हो गई हैं। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, 16 अक्टूबर को दक्षिण आंतरिक कर्नाटक और तमिलनाडु, पुडुचेरी व कराइकल के अलग-अलग हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश होने की पूरी संभावना है। इसके अलावा आंध्र प्रदेश, तटीय कर्नाटक और केरल व माहे के अलग अलग जिलों में भी भारी बारिश दर्ज की जाएगी। दक्षिण भारत के इन तटीय और अंदरूनी हिस्सों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे (झोंके 60 किमी/घंटे) की गति से तेज तूफानी हवाएं चलेंगी और आकाशीय बिजली कड़केगी। लक्षद्वीप और उत्तरी आंतरिक कर्नाटक के कुछ इलाकों में भी झमाझम बौछारें पड़ने का अनुमान है जबकि तटीय आंध्र प्रदेश में दिन भर तेज सतही हवाएं चलती रहेंगी।

दिल्ली-NCR, उत्तर प्रदेश और राजस्थान में गरज-चमक के साथ आंधी का दौर

उत्तर-पश्चिम और मध्य भारत के मैदानी इलाकों में भी मौसमी हलचल बनी हुई है। मौसम विभाग के मुताबिक 16 अक्टूबर को दिल्ली, हरियाणा, चंडीगढ़ और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में बादलों की गरज और बिजली चमकने के साथ 30 से 40 किमी/घंटे (झोंके 50 किमी/घंटे) की गति से तेज झोंकेदार हवाएं चल सकती हैं। उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्रों में भी कल 40 से 50 किमी/घंटे की रफ्तार से आंधी चलने और हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। पूर्वी राजस्थान, मध्य प्रदेश और ओडिसा के कुछ हिस्सों में भी छिटपुट स्थानों पर गरज-चमक के साथ बौछारें गिरने का अनुमान जताया गया है।

मध्य, पूर्वी और पश्चिमी राज्यों का मौसम मिजाज

मध्य और पूर्वी भारत के छत्तीसगढ़, ओडिसा, मध्य प्रदेश और विदर्भ क्षेत्र में कल बादलों की आवाजाही के साथ-साथ कुछ स्थानों पर गरज-चमक और हल्की बारिश की गतिविधियां दर्ज की जा सकती हैं। पश्चिम भारत के तटीय इलाकों की बात करें तो कोंकण और गोवा तथा मध्य महाराष्ट्र और मराठवाड़ा के कुछ हिस्सों में कल आकाशीय बिजली चमकने के साथ छिटपुट बौछारें गिरने की संभावना है।

वहीं, कोंकण और गोवा के तटीय क्षेत्रों में नमी और तापमान के बने रहने के कारण लोगों को उमस भरी गर्मी का सामना करना पड़ेगा। राहत की बात यह है कि समुद्री इलाकों में स्थितियां नियंत्रण में हैं, जिसके चलते मौसम विभाग ने मछुआरों के लिए समुद्र में जाने को लेकर कोई चेतावनी जारी नहीं की है।

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UP Weather Update: यूपी में अगले कुछ घंटे आसमान से होगी आफत की बारिश! IMD का इन जिलों में भारी बारिश का अलर्ट

UP Weather Update: उत्तर प्रदेश में एक बार फिर मौसम का मिजाज बिगड़ने वाला है। मानसून की विदाई से पहले बादल एक बार फिर जमकर बरसने वाले हैं। मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के लखनऊ स्थित क्षेत्रीय मौसम केंद्र ने 25 सितंबर 2026 को जारी पूर्वानुमान में प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं की चेतावनी दी है। आईएमडी के मुताबिक, 25 और 27 सितंबर को प्रदेश के कई जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। वहीं कुछ इलाकों में अत्यधिक भारी बारिश की भी संभावना जताई गई है। इसके साथ ही आंधी जैसी तेज हवाएं और बिजली गिरने का खतरा भी बना रहेगा। बारिश से लोगों को उमसभरी गर्मी से राहत मिलेगी।

मौसम विभाग के मुताबिक, 28 और 29 सितंबर को प्रदेश में कहीं-कहीं बारिश या गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है। वहीं इन दोनों दिनों के लिए मौसम विभाग ने कोई विशेष चेतावनी जारी नहीं की है।

इन शहरों में होगी ज्यादा बारिश

मौसम विभाग के अनुसार, 25 सितंबर को सिद्धार्थनगर, गोंडा, बलरामपुर, श्रावस्ती और बहराइच में बहुत भारी से अत्यधिक भारी बारिश हो सकती है। वहीं बांदा, प्रयागराज, लखनऊ, अयोध्या, सीतापुर, बस्ती, सुल्तानपुर समेत कई जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश का अनुमान है। वहीं 26 सितंबर को भी उत्तर प्रदेश में बारिश का दौर जारी रहेगा। श्रावस्ती, बहराइच, लखीमपुर खीरी, सीतापुर, रामपुर, बरेली, पीलीभीत और शाहजहांपुर में बहुत भारी बारिश हो सकती है। वहीं लखनऊ, बस्ती, गोंडा, बाराबंकी, मुरादाबाद, संभल और बदायूं समेत कई जिलों में भी भारी बारिश का अनुमान है।

कई जिलों में फ्लैश फ्लड का खतरा

यूपी के कई जगहों पर गरज-चमक के साथ तेज हवाएं चल सकती हैं। हवा की रफ्तार 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। ऐसे में लोगों को खुले स्थानों पर जाने से बचने की सलाह दी गई है। लगातार बारिश के चलते कुछ इलाकों में अचानक बाढ़ यानी फ्लैश फ्लड का खतरा है। आजमगढ़, गोरखपुर, लखनऊ, अयोध्या, बहराइच, सीतापुर, बांदा, चित्रकूट समेत कई जिलों में मध्यम जोखिम बताया गया है। ऐसे में निचले इलाकों में पानी भरने, सड़कों पर जलभराव और कुछ स्थानों पर यातायात प्रभावित होने की स्थिति बन सकती है।

27 सितंबर को भी बारिश और तेज हवा

27 सितंबर को बारिश का असर कुछ कम हो सकता है, लेकिन कई जिलों में भारी बारिश का खतरा बना रहेगा। श्रावस्ती, बहराइच, लखीमपुर खीरी, सीतापुर, सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, मेरठ, बिजनौर, अमरोहा, मुरादाबाद, रामपुर, बरेली, पीलीभीत, शाहजहांपुर, संभल और बदायूं में भारी बारिश की संभावना है। इन इलाकों में गरज-चमक और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की हवाओं के झोंके 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकते हैं। मौसम विभाग ने लोगों को बारिश और गरज-चमक के दौरान घर में रहने, पेड़ों के नीचे न जाने और वाहन चलाते समय सावधानी बरतने की सलाह दी है। जलभराव वाली सड़कों और नालों से भी दूर रहने को कहा गया है।

लोगों को सावधानी बरतने की सलाह

मौसम विभाग ने किसानों को भी बारिश के दौरान खेतों में जलभराव से बचाने के लिए पानी की निकासी की व्यवस्था करने की सलाह दी है। फसल के हिसाब से अलग-अलग सावधानियां बताई गई हैं। खासकर गन्ना, अरहर, मक्का, धान, मूंगफली, तिल और सब्जियों की फसलों पर ज्यादा बारिश का असर पड़ सकता है। कुल मिलाकर उत्तर प्रदेश में अगले कुछ दिनों तक बारिश का दौर जारी रहने वाला है। 26 सितंबर को सबसे ज्यादा सतर्क रहने की जरूरत है, क्योंकि इन दिनों कई जिलों में भारी से अत्यधिक भारी बारिश, तेज हवाओं, बिजली गिरने और कुछ इलाकों में अचानक बाढ़ का खतरा बताया गया है।

Kal Ka Mausam: IMD का 6 सितंबर को भारी बारिश का अलर्ट! दिल्ली-यूपी, बिहार और एमपी समेत 13 राज्यों में बिगड़ेगा मौसम

Weather Update: देश भर में मानसून की चाल एक बार फिर बेहद तेज हो गई है. भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 6 सितंबर के मौसम को लेकर ताजा अलर्ट जारी किया है. मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश, बिहार, मध्य प्रदेश और राजस्थान समेत देश के कम से कम 13 राज्यों में कल मूसलाधार बारिश होने का अनुमान है. इसके साथ ही कई इलाकों में तेज आंधी, बादलों की भीषण गर्जना और आकाशीय बिजली चमकने को लेकर चेतावनी जारी की गई है.

दिल्ली-एनसीआर, यूपी, पंजाब और हरियाणा में बारिश का अलर्ट

उत्तर भारत के मैदानी इलाकों में 6 सितंबर को मानसूनी बारिश का असर देखने को मिलेगा. मौसम विभाग के बुलेटिन के मुताबिक दिल्ली, हरियाणा और चंडीगढ़ के अलग-अलग स्थानों पर कल भारी बारिश होने की संभावना है. इसके साथ ही उत्तर प्रदेश (पूर्वी और पश्चिमी उत्तर प्रदेश) और पंजाब में भी अलग-अलग इलाकों में भारी बारिश दर्ज की जा सकती है. पंजाब, हरियाणा और दिल्ली-एनसीआर में बारिश के साथ तेज हवाएं चलने और बिजली कड़कने की भी आशंका है.

बिहार, एमपी, राजस्थान और उत्तराखंड में ऐसा रहेगा मौसम

मध्य और पूर्वी भारत के राज्यों में मानसूनी गतिविधियां काफी मजबूत रहेंगी. बिहार और मध्य प्रदेश के अलग-अलग इलाकों में 6 सितंबर को भारी बारिश की संभावना जताई गई है. इसके साथ ही पूर्वी राजस्थान और पहाड़ी राज्य उत्तराखंड में भी भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है.

बिहार, मध्य प्रदेश और राजस्थान के अलग अलग हिस्सों में बारिश के दौरान 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज तूफानी हवाएं चल सकती हैं और बादलों की गर्जना के साथ बिजली गिरने की आशंका बनी रहेगी. उत्तराखंड में भी कई जगहों पर आकाशीय बिजली चमकने का अलर्ट है.

पूर्वोत्तर भारत और बंगाल-सिक्किम का हाल

पूर्वोत्तर भारत और पूर्वी भारत के पहाड़ी व मैदानी राज्यों में बारिश का सिलसिला जारी रहेगा. उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में कल अलग-अलग जगहों पर भारी बारिश होने का अनुमान है. गांगेय पश्चिम बंगाल में 30-40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और आंधी-तूफान आने की संभावना है. इसके अलावा झारखंड और छत्तीसगढ़ में आकाशीय बिजली चमकने का अलर्ट जारी किया गया है.

पूर्वोत्तर के सभी राज्यों अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 6 सितंबर को अलग-अलग जगहों पर भारी बारिश की पूरी संभावना है. इन राज्यों में दिनभर बिजली कड़कने और आंधी-तूफान की स्थितियां बनी रहेंगी.

दक्षिण भारत में तेज हवाओं का प्रकोप और समुद्र की स्थिति

दक्षिण भारत के राज्यों में बारिश से ज्यादा तेज रफ्तार हवाओं का असर देखने को मिलेगा. तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में अलग-अलग स्थानों पर 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज आंधी चलने, हवा के तेज झोंके आने और बिजली चमकने का अलर्ट है. आंतरिक कर्नाटक और तमिलनाडु में दिनभर तेज सतही हवाएं चलेंगी. आंतरिक कर्नाटक और अंडमान एवं निकोबार द्वीप समूह में भी 30 से 40 किमी प्रति घंटे की गति से तूफानी हवाएं चलने का अनुमान है.

उधर समुद्री इलाकों में मौसम खराब रहेगा. सोमालिया तट से सटे पश्चिम-मध्य और दक्षिण-पश्चिम अरब सागर के कुछ हिस्सों में 45 से 55 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से हवाएं चल सकती हैं, जिनकी रफ्तार बढ़कर 65 किमी प्रति घंटे तक पहुंच सकती है. मौसम विभाग ने मछुआरों को इन इलाकों में समुद्र में न जाने की सलाह दी है.

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UP Weather Update: उत्तर प्रदेश में फिर एक्टिव हुआ मानसून, इन 15 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट, IMD ने जारी की चेतावनी

UP Weather Update: उत्तर प्रदेश में मानसून एक बार फिर सक्रिय नजर आ रहा है। मौसम विभाग के ताजा पूर्वानुमान के मुताबिक, पूर्वी उत्तर प्रदेश में मध्यम बारिश के साथ कुछ जगहों पर भारी बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। दरअसल, निचले क्षोभमंडल में पूर्वी उत्तर प्रदेश के ऊपर बने चक्रवाती परिसंचरण और बंगाल की खाड़ी में बने निम्न दबाव क्षेत्र के प्रभाव से मानसूनी प्रवाह बढ़ा है। इसके चलते अगले कुछ दिनों में पूर्वी यूपी में बारिश की गतिविधियां तेज रह सकती हैं। वहीं, पश्चिमी यूपी में अगस्त के बाकी दिनों में मानसूनी गतिविधियां सीमित रहने के बाद सितंबर के शुरुआती सप्ताह में बारिश बढ़ने की संभावना है।

पूर्वी यूपी में भारी बारिश का अलर्ट

IMD के मुताबिक, 30 अगस्त तक पूर्वी उत्तर प्रदेश के कुछ इलाकों में भारी बारिश हो सकती है। 29 अगस्त से 30 अगस्त की सुबह तक भारी बारिश की ज्यादा संभावना वाले जिलों में चित्रकूट, प्रयागराज, जौनपुर, गाजीपुर, आजमगढ़, बस्ती, गोंडा, श्रावस्ती, बहराइच, लखीमपुर खीरी, सीतापुर, बाराबंकी, सुल्तानपुर, अयोध्या और अंबेडकर नगर शामिल हैं।

इसके बाद 30 से 31 अगस्त के दौरान सोनभद्र और आसपास के इलाकों में भारी बारिश की संभावना जताई गई है।

31 अगस्त को इन जिलों में बारिश का ज्यादा असर

मौसम विभाग के अनुसार, 31 अगस्त से 1 सितंबर के बीच चित्रकूट, कौशाम्बी, प्रयागराज, सोनभद्र, मिर्जापुर, चंदौली, वाराणसी, संत रविदास नगर और जौनपुर समेत आसपास के इलाकों में भारी बारिश की संभावना है।

यानी अगले कुछ दिनों में खासतौर पर पूर्वी यूपी के जिलों में बारिश का असर ज्यादा देखने को मिल सकता है।

2 सितंबर को पश्चिमी यूपी में भी बढ़ेगा बारिश का असर

IMD के पूर्वानुमान के मुताबिक, 2 सितंबर को पश्चिमी और पूर्वी उत्तर प्रदेश में कुछ जगहों पर भारी बारिश हो सकती है। इससे पहले 29 अगस्त से 1 सितंबर तक पश्चिमी यूपी के लिए भारी बारिश की अलग चेतावनी नहीं है, लेकिन कई जगहों पर बारिश और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं।

जलभराव और अचानक नदियों-नालों का जलस्तर बढ़ने का खतरा

मौसम विभाग ने भारी बारिश की स्थिति में निचले इलाकों और सुरंगों में जलभराव की आशंका जताई है। इसके अलावा मौसमी नदियों और नालों के जलस्तर में अचानक बढ़ोतरी हो सकती है। साथ ही, कच्ची सड़कों पर फिसलन और कम दृश्यता के कारण यातायात भी प्रभावित हो सकता है।

वहीं, लोगों को अचानक बाढ़ की आशंका वाले इलाकों से दूर रहने और सुरक्षित या पक्के मकानों में रहने की सलाह दी गई है। नदियों और मौसमी नालों के आसपास भी सावधानी बरतने को कहा गया है।

किसानों के लिए भी अलर्ट

भारी बारिश और जलभराव का असर फसलों पर भी पड़ सकता है। IMD ने किसानों को खेतों से अतिरिक्त पानी निकालने और बारिश के दौरान कुछ कृषि कार्यों से बचने की सलाह दी है। गन्ना, धान, मक्का, अरहर, मूंगफली, तिल, दलहन और सब्जियों जैसी फसलों में ज्यादा नमी से नुकसान और रोग बढ़ने की आशंका जताई गई है।

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कल का मौसम: 26 अगस्त को इन 12 राज्यों में होगी मूसलाधार बारिश! यूपी-बिहार से बंगाल तक आंधी-तूफान का भी अलर्ट

India Weather Update: देश भर के अलग-अलग हिस्सों भारी बारिश और आंधी तूफान के कहर के बीच मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 26 अगस्त के लिए मौसम का ताजा पूर्वानुमान जारी कर दिया है। मौसम विभाग के बुलेटिन के मुताबिक देश के 12 राज्यों में अलग-अलग जगहों पर भारी से मूसलाधार बारिश होने की संभावना जताई गई है। इसके साथ ही उत्तर प्रदेश, बिहार, पश्चिम बंगाल और राजस्थान समेत कई राज्यों में तेज आंधी और आकाशीय बिजली चमकने की भी चेतावनी जारी की गई है। समुद्र तटीय इलाकों में खराब मौसम और तेज हवाओं की स्थिति को देखते हुए मछुआरों और तटीय क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।

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उत्तर भारत का मौसम: यूपी, उत्तराखंड और पूर्वी राजस्थान में भारी बारिश और आंधी का अलर्ट

उत्तर भारत के मैदानी और पहाड़ी इलाकों में 26 अगस्त को सुपर एक्टिव मानसून का असर साफ दिखाई देगा। मौसम विभाग के मुताबिक उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड में अलग-अलग जगहों पर मूसलाधार बारिश होने की पूरी संभावना है। इसके साथ ही पहाड़ी राज्य उत्तराखंड में गरज और चमक के साथ आकाशीय बिजली गिरने का भी अलर्ट जारी किया गया है।

पश्चिमी भारत से सटे पूर्वी राजस्थान में भी 26 अगस्त को अलग-अलग इलाकों में भारी बारिश दर्ज की जा सकती है। इसके अलावा पूर्वी राजस्थान के कई हिस्सों में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने, आंधी आने और बिजली चमकने की आशंका जताई गई है। इससे तापमान में गिरावट दर्ज की जा सकती है।

मध्य और पूर्वोत्तर भारत: मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और असम-मेघालय समेत इन राज्यों में बरसेगी आफत

मध्य भारत की बात करें तो मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में 26 अगस्त को भारी बारिश का पूर्वानुमान जताया गया है। मौसम विभाग ने इन दोनों राज्यों में बारिश के साथ-साथ गर्जना और बिजली चमकने का अलर्ट जारी किया है। इसके अलावा मध्य महाराष्ट्र के कुछ हिस्सों में भी 26 अगस्त को भारी बारिश होने के आसार जताए गए हैं।

पूर्वोत्तर भारत के राज्यों में बारिश की गतिविधियां तेज रहेंगी। अरुणाचल प्रदेश, असम और मेघालय में अलग-अलग जगहों पर मूसलाधार बारिश होने की संभावना है। वहीं अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय के साथ-साथ नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में गरज के साथ बिजली चमकने और आंधी-तूफान का अलर्ट जारी किया गया है।

पूर्वी भारत: बिहार, झारखंड और बंगाल में भारी बारिश के साथ तेज हवाओं की चेतावनी

पूर्वी भारत के राज्यों के लिए 26 अगस्त का दिन मौसम के लिहाज से काफी संवेदनशील रहने वाला है। बिहार, झारखंड और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में अलग-अलग जगहों पर भारी बारिश का अनुमान जताया गया है। इसके साथ ही बिहार, झारखंड, गांगेय पश्चिम बंगाल और सिक्किम के कई इलाकों में तेज आंधी और झोंकेदार हवाएं चलने की चेतावनी दी गई है।

इन राज्यों में हवा की रफ्तार 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। साथ ही आकाशीय बिजली चमकने और गिरने की भी संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने लोगों को खुले मैदानों और पेड़ों के नीचे न जाने की सलाह दी गई है। अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में भी 30 से 40 किमी प्रति घंटे की गति से हवाएं चलने और तेज बारिश के साथ बिजली चमकने का अनुमान है।

दक्षिण भारत: केरल में भारी बारिश, आंध्र और तमिलनाडु में 50 किमी की रफ्तार से चलेंगी हवाएं

दक्षिण भारत में भी मानसून अपना असर दिखाएगा। केरल और माहे में 26 अगस्त को भारी बारिश होने की संभावना है। इसके साथ ही केरल, माहे और लक्षद्वीप क्षेत्र में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने और गरज-चमक का अलर्ट है।

आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु, पुडुचेरी व कराइकल में मौसम अधिक उग्र रह सकता है। मौसम विभाग के मुताबिक इन क्षेत्रों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज झोंकेदार हवाएं चलने और बिजली चमकने की संभावना है। आंध्र प्रदेश के तटीय इलाकों में अलग-अलग जगहों पर तेज सतही हवाएं चलने का भी पूर्वानुमान है।

समंदर में रहेगा खराब मौसम, मछुआरों के लिए अलर्ट जारी

मौसम विभाग ने अरब सागर और बंगाल की खाड़ी में तेज हवाओं और तूफानी मौसम को लेकर चेतावनी जारी की है। अरब सागर में सोमालिया और ओमान के तटों के साथ-साथ पश्चिम-मध्य और उससे सटे दक्षिण-पश्चिम अरब सागर में 45 से 55 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और 65 किमी प्रति घंटे तक के झोंके आने की संभावना है। इसके अलावा कर्नाटक, केरल के तटों और लक्षद्वीप क्षेत्र से सटे समुद्र में 35 से 45 किमी प्रति घंटे से लेकर 55 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तूफानी मौसम रहने के आसार हैं।

बंगाल की खाड़ी की स्थिति देखें तो मन्नार की खाड़ी, कोमोरिन क्षेत्र, श्रीलंका तट से सटे दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी और पश्चिम-मध्य व दक्षिण-पूर्व बंगाल की खाड़ी के कुछ हिस्सों में 45 से 55 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं, जो बढ़कर 65 किमी प्रति घंटे तक पहुंच सकती हैं। मौसम विभाग ने इन सभी समुद्री क्षेत्रों में मछुआरों को न जाने की सख्त सलाह दी है।

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Weather Update: एमपी में भारी बारिश का दौर जारी, दिल्ली-UP में भी बरसेंगे बादल, इन राज्यों में 27 अगस्त तक होगी मूसलाधार बारिश

India Weather Update: उत्तर-पूर्वी मध्य प्रदेश और उसके आसपास बने निम्न दबाव के क्षेत्र के असर से देश के कई हिस्सों में मानसून सुपर एक्टिव मोड में है और जबर्दस्त बारिश का दौर देखने को मिल रहा है। इस बीच भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के ताजा बुलेटिन के मुताबिक मध्य प्रदेश, दिल्ली, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड समेत कई राज्यों में अगले कुछ दिनों तक झमाझम बारिश का दौर जारी रहेगा। मौसम विभाग ने चेतावनी जारी की है कि पूर्वी मध्य प्रदेश और उड़ीसा जैसे राज्यों में बहुत भारी बारिश हो सकती है जबकि देश के अलग-अलग हिस्सों में 27 अगस्त तक मूसलाधार बारिश का सिलसिला बना रहेगा। बीते 24 घंटों के दौरान भी पश्चिमी उत्तर प्रदेश, पूर्वी मध्य प्रदेश, मिजोरम और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल में 12 से 20 सेमी तक भारी से बहुत भारी बारिश दर्ज की गई है।

मध्य भारत में बारिश का तांडव, मध्य प्रदेश में मूसलाधार का अलर्ट

मौसम प्रणालियों के सक्रिय होने से मध्य भारत में मानसूनी बारिश का असर सबसे अधिक देखने को मिल रहा है। उत्तर-पूर्वी मध्य प्रदेश पर बना कम दबाव का क्षेत्र अब भी सक्रिय है। इसकी वजह से 21 और 22 अगस्त को पूर्वी मध्य प्रदेश में कुछ जगहों पर बहुत भारी बारिश की संभावना जताई गई है। इसके अलावा पश्चिमी मध्य प्रदेश में 21 से 25 अगस्त के बीच, पूर्वी मध्य प्रदेश में 23 से 26 अगस्त तक और छत्तीसगढ़ में 21 से 27 अगस्त तक कई स्थानों पर भारी बारिश की चेतावनी दी गई है। इस दौरान इन राज्यों में गरज-चमक और बिजली गिरने की भी आशंका बनी हुई है।

उत्तर-पश्चिम भारत में बदलेगा मौसम, दिल्ली-यूपी में बरसेंगे बादल

उत्तर-पश्चिम भारत में मानसून ट्रफ के सामान्य स्थिति के आसपास रहने और उत्तरी हरियाणा में एक चक्रवाती हवाओं के क्षेत्र के चलते दिल्ली, हरियाणा, पंजाब और उत्तर प्रदेश में मौसम में बड़ा बदलाव देखा जाएगा। दिल्ली, हरियाणा और चंडीगढ़ में 22 अगस्त को भारी बारिश के आसार हैं। पूर्वी उत्तर प्रदेश में 22 से 24 अगस्त के बीच व्यापक स्तर पर बारिश होगी। पहाड़ी राज्यों की बात करें तो उत्तराखंड में 21 से 27 अगस्त तक लगातार मूसलाधार बारिश, गरज-चमक और बिजली गिरने की चेतावनी दी गई है। जम्मू-कश्मीर और हिमाचल प्रदेश में भी 21 और 22 अगस्त को भारी बारिश का पूर्वानुमान जताया गया है।

पूर्वी और उत्तर-पूर्वी भारत का हाल, उड़ीसा और बंगाल में अलर्ट

उत्तरी बंगाल की खाड़ी, बांग्लादेश और दक्षिण गांगेय पश्चिम बंगाल के ऊपर बने ऊपरी हवा के चक्रवाती परिसंचरण की वजह से पूर्वी और उत्तर-पूर्वी राज्यों में बारिश की गतिविधियां तेज रहेंगी। उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में 21 से 26 अगस्त तक भारी बारिश की संभावना है। उड़ीसा में 24 से 27 अगस्त के बीच बेहद भारी बारिश हो सकती है। बिहार और झारखंड में भी 22 से 25 अगस्त के दौरान तेज बारिश का दौर जारी रहेगा। उत्तर-पूर्वी भारत के राज्यों जैसे असम, मेघालय, अरुणाचल प्रदेश, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 27 अगस्त तक रुक-रुक कर भारी बारिश होने का अनुमान है।

दक्षिण भारत में कम होगी बारिश की रफ्तार, तटीय इलाकों में तेज हवाएं

एक तरफ जहां उत्तर और मध्य भारत में झमाझम बारिश का दौर जारी है। मौसम विभाग ने दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत में अगले एक सप्ताह के दौरान मानसूनी बारिश की गतिविधियां स्लो रहने का पूर्वानुमान दिया है। केरल, माहे और तटीय कर्नाटक में 21 से 27 अगस्त तक हल्की से मध्यम बारिश जारी रहेगी। केरल और तमिलनाडु में 23 से 25 अगस्त के दौरान कहीं-कहीं भारी बारिश हो सकती है। तटीय आंध्र प्रदेश, रायलसीमा और कर्नाटक के इलाकों में 30 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज सतही हवाएं चलने की संभावना जताई गई है।

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Weather Update: मध्य प्रदेश, यूपी संग इन राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट, दिल्ली-NCR में भी मूसलाधार! 26 अगस्त तक ऐसा रहेगा मौसम

Weather Update: देश भर में मानसूनी बारिश का रौद्र रूप देखने को मिल रहा है। इस वक्त उत्तर भारत से लेकर मध्य भारत तथा पूर्वोत्तर राज्यों तक झमाझम बारिश का दौर जारी है। इस बीच भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने अपने ताजा वेदर बुलेटिन में चेतावनी जारी की है कि उत्तर-पूर्वी मध्य प्रदेश और आसपास के इलाकों के ऊपर बना हुआ वेल-मार्क लो प्रेशर एरिया मौसम को प्रभावित कर रहा है। इसके चलते पूर्वी मध्य प्रदेश में 20 और 21 अगस्त को अलग-अलग जगहों पर भारी से अत्यधिक भारी बारिश होने की प्रबल संभावना है। इसके अलावा दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, हरियाणा और पंजाब समेत देश के कई राज्यों में 26 अगस्त तक मूसलाधार बारिश का सिलसिला बना रहेगा।

अगर बीते 24 घंटों के दौरान दर्ज किए गए बारिश के आंकड़ों पर नजर डालें तो पश्चिम उत्तर प्रदेश, अरुणाचल प्रदेश, पूर्वी मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में 12 से 20 सेंटीमीटर तक बहुत भारी बारिश दर्ज की गई है। वहीं उत्तराखंड, हरियाणा, पूर्वी उत्तर प्रदेश, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, तमिलनाडु, असम, नागालैंड और पश्चिम मध्य प्रदेश में 7 से 11 सेंटीमीटर तक भारी बारिश रिकॉर्ड की गई है।

उत्तर-पश्चिम भारत और दिल्ली-NCR में 26 अगस्त तक ऐसा रहेगा हाल

उत्तर-पश्चिम भारत के राज्यों में मानसूनी बारिश का बड़ा असर असर देखने को मिल रहा है। पश्चिम उत्तर प्रदेश में 20 अगस्त को और पूर्वी उत्तर प्रदेश में 24 से 26 अगस्त के दौरान अधिकांश जगहों पर हल्की से मध्यम बारिश होगी। दिल्ली-एनसीआर, हरियाणा, चंडीगढ़ और पंजाब में 20 अगस्त और 22 अगस्त को भारी बारिश होने के आसार हैं। पश्चिम उत्तर प्रदेश में 20 अगस्त को अत्यंत भारी बारिश जबकि 21 अगस्त को भारी बारिश का पूर्वानुमान है। पूर्वी उत्तर प्रदेश में 20 अगस्त को भारी बारिश होने की संभावना जताई गई है।

पहाड़ी राज्यों की बात करें तो उत्तराखंड में 20 से 26 अगस्त तक लगातार गरज-चमक के साथ बारिश की व्यापक गतिविधियां जारी रहेंगी। यहां पूरे सप्ताह भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। जम्मू-कश्मीर, लद्दाख में 20 से 23 अगस्त के दौरान काफी बारिश होगी। 24 से 26 अगस्त के बीच बारिश का असर कम हो जाएगा। हिमाचल प्रदेश में 20 से 22 अगस्त तक व्यापक बारिश और भारी बारिश की चेतावनी है, जिसके बाद 23 से 26 अगस्त के दौरान बारिश की तीव्रता में कमी आ सकती है।

मध्य भारत में मूसलाधार बारिश का अलर्ट

मध्य भारत के राज्यों में लो प्रेशर एरिया का सीधा असर देखने को मिल रहा है। पूर्वी मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में 20 से 26 अगस्त तक लगभग पूरे सप्ताह बारिश जारी रहेगी। पूर्वी मध्य प्रदेश में 20 और 21 अगस्त को बहुत भारी बारिश होने की चेतावनी दी गई है जबकि 22 से 26 अगस्त तक लगातार भारी बारिश का सिलसिला बना रहेगा। पश्चिम मध्य प्रदेश में 20 और 21 अगस्त को व्यापक बारिश होगी और 20 से 25 अगस्त के बीच भारी बारिश दर्ज की जा सकती है। इसके बाद 22 से 26 अगस्त के दौरान हल्की से मध्यम बारिश होगी।

विदर्भ क्षेत्र में 23 और 24 अगस्त को तेज बारिश की संभावना है जबकि बाकी दिनों में छिटपुट बारिश देखने को मिलेगी। इसके अलावा छत्तीसगढ़, पूर्वी और पश्चिमी मध्य प्रदेश में 20 से 24 अगस्त तक गरज के साथ बिजली चमकने की घटनाएं भी हो सकती हैं।

पूर्वी और पूर्वोत्तर भारत में आंधी-तूफान के साथ बारिश की संभावना

पूर्वी भारत में अंडमान-निकोबार द्वीप समूह और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल व सिक्किम में 20 से 26 अगस्त तक अधिकांश स्थानों पर बारिश होगी। गांगेय पश्चिम बंगाल और झारखंड में 22 से 26 अगस्त, बिहार में 22 से 24 अगस्त और ओडिशा में 21 से 26 अगस्त के दौरान व्यापक बारिश का दौर देखने को मिलेगा। ओडिशा में 23 अगस्त को बहुत भारी बारिश होने का अनुमान है जबकि 21-22 और 24-26 अगस्त के दौरान भारी बारिश होगी। बिहार में 22 से 25 अगस्त, गांगेय पश्चिम बंगाल में 23 से 25 अगस्त और झारखंड में 23 अगस्त को भारी बारिश की चेतावनी है। अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में 20 से 26 अगस्त के दौरान 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज तूफानी हवाएं चल सकती हैं।

पूर्वोत्तर भारत की बात करें तो अरुणाचल प्रदेश, असम और मेघालय में 20 से 22 अगस्त तक काफी बारिश होगी। नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 20 से 26 अगस्त तक पूरा हफ्ता बारिश से सराबोर रहेगा। अरुणाचल प्रदेश, असम और मेघालय में 20 से 25 अगस्त के दौरान और नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 20 से 23 अगस्त के बीच भारी बारिश और बिजली कड़कने का अलर्ट जारी किया गया है।

पश्चिम और दक्षिण भारत का मौसमी पूर्वानुमान

पश्चिमी भारत में कोंकण और गोवा में 20 से 26 अगस्त तक लगातार काफी बारिश होने की संभावना है। गुजरात क्षेत्र, मध्य महाराष्ट्र, मराठवाड़ा और सौराष्ट्र व कच्छ में 20 से 26 अगस्त के दौरान छिटपुट से लेकर हल्की या मध्यम बारिश दर्ज की जा सकती है।

दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत में तटीय कर्नाटक में 20 से 26 अगस्त तक काफी बारिश होगी। केरल और माहे तथा लक्षद्वीप में 20 अगस्त और फिर 23 से 26 अगस्त के दौरान अच्छी बारिश होने के आसार हैं। तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में 24 व 25 अगस्त को और केरल में 23 व 24 अगस्त को भारी बारिश हो सकती है। इसके अलाा तटीय आंध्र प्रदेश, यनम, रायलसीमा, उत्तरी व दक्षिणी आंतरिक कर्नाटक और तेलंगाना में 20 से 24 अगस्त के दौरान 30 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज सतही हवाएं चलने की संभावना जताई गई है।

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16 अगस्त को बिगड़ेगा मौसम! यूपी, उत्तराखंड और बंगाल संग इन राज्यों में मूसलाधार बारिश का बड़ा अलर्ट, जानें IMD की चेतावनी

देश भर में मानसून की सक्रियता लगातार बनी हुई है और मौसम विभाग ने 16 अगस्त को लेकर बड़ा अलर्ट जारी किया है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के ताजा पूर्वानुमान के मुताबिक 16 अगस्त को देश के कई हिस्सों में भारी बारिश की संभावना है। मौसम विभाग ने उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड और पश्चिम बंगाल समेत देश के विभिन्न राज्यों में मूसलाधार बारिश की संभावना जताई गई है। IMD ने कई इलाकों में तेज हवाओं और आकाशीय बिजली चमकने को लेकर भी चेतावनी जारी की है।

तटीय इलाकों से लेकर मैदानी और पर्वतीय क्षेत्रों तक मानसूनी गतिविधियां तेज होने वाली हैं। स्वतंत्रता दिवस के ठीक अगले दिन देश के उत्तर-पश्चिम, पूर्व और पूर्वोत्तर के राज्यों में बारिश की तीव्रता में भारी बढ़ोतरी दर्ज की जा सकती है, जिससे आम जनजीवन प्रभावित होने की आशंका है।

यूपी, उत्तराखंड और बंगाल में भारी से अति भारी बारिश की चेतावनी

मौसम विभाग के बुलेटिन के मुताबिक 16 अगस्त को उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, गांगेय पश्चिम बंगाल, ओडिशा और पूर्वोत्तर के राज्य अरुणाचल प्रदेश में अलग-अलग स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश होने की प्रबल संभावना है। इन राज्यों में बारिश के उग्र रूप को देखते हुए प्रशासन और आम लोगों को विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है। पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन और निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति उत्पन्न हो सकती है।

इसके अलावा देश के अन्य कई राज्यों में मध्यम से भारी बारिश का दौर जारी रहेगा। हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर-लद्दाख, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड, कोंकण और गोवा, मध्य महाराष्ट्र, गुजरात क्षेत्र, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश होने का अनुमान जताया गया है।

50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलेंगी तूफानी हवाएं, बिजली कड़कने का अलर्ट

बारिश के साथ-साथ कई राज्यों में गर्जना और तेज हवाओं का प्रकोप भी देखने को मिलेगा। मौसम विभाग ने बताया है कि अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, आंध्र प्रदेश, गांगेय पश्चिम बंगाल, उत्तरी आंतरिक कर्नाटक और तमिलनाडु, पुडुचेरी व कराइकल में अलग-अलग स्थानों पर आकाशीय बिजली चमकने के साथ 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तूफानी हवाएं चल सकती हैं।

तटीय कर्नाटक, दक्षिण आंतरिक कर्नाटक, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, झारखंड, मध्य प्रदेश, ओडिशा, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल व सिक्किम और तेलंगाना के इलाकों में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से हवाएं चलने और बिजली गिरने की आशंका है। इसके साथ ही अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, बिहार, छत्तीसगढ़, गुजरात क्षेत्र, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम, त्रिपुरा, उत्तराखंड और विदर्भ में गरज-चमक और बिजली गिरने की चेतावनी दी गई है। आंध्र प्रदेश, कर्नाटक और तेलंगाना के मैदानी इलाकों में तेज सतही हवाएं चलने का अनुमान है।

समुद्री क्षेत्रों में खराब रहेगा मौसम, मछुआरों के लिए एडवाइजरी

समुद्री क्षेत्रों में चक्रवाती हवाओं के प्रभाव से मौसम काफी चुनौतीपूर्ण रहेगा। मौसम विभाग के मुताबिक अरब सागर में गुजरात, सोमालिया और ओमान के तटीय इलाकों के पास, मध्य-पश्चिम अरब सागर के अधिकांश हिस्सों, दक्षिण-पश्चिम, उत्तर और मध्य-पूर्व अरब सागर के कुछ इलाकों में 45 से 55 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तूफानी हवाएं चल सकती हैं, जिनकी गति बढ़कर 65 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने के आसार हैं।

इसी तरह बंगाल की खाड़ी के भी कुछ हिस्सों में 45 से 55 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलेंगी, जो बढ़कर 65 किमी प्रति घंटे तक पहुंच सकती हैं। समुद्र में उठने वाली ऊंची लहरों और तेज हवाओं की स्थिति को देखते हुए मौसम विभाग ने मछुआरों को तटीय और गहरे समुद्री इलाकों में न जाने की सख्त सलाह दी है।

तूफानी मौसम का खतरा: यूपी-उत्तराखंड संग इन 15 राज्यों में अगले 4 दिन भारी बारिश! यहां 17 अगस्त को एक्स्ट्रीम हैवी रेनफॉल का अलर्ट

India Weather update: दक्षिण-पूर्वी झारखंड और आसपास के इलाकों में बने कम दबाव के क्षेत्र के असर से देश के बड़े हिस्से में मानसूनी बारिश का कहर तेज हो गया है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 15 अगस्त 2026 को जारी अपने विशेष बुलेटिन में चेतावनी दी है कि अगले चार दिनों के दौरान गांगेय पश्चिम बंगाल, उत्तरी ओडिशा और झारखंड में भारी से बहुत भारी बारिश दर्ज की जाएगी। मौसम विभाग ने विशेष अलर्ट जारी करते हुए कहा है कि 17 अगस्त को उत्तर ओडिशा और गांगेय पश्चिम बंगाल के अलग-अलग स्थानों पर अत्यंत भारी बारिश होने की प्रबल संभावना है। इसके साथ ही पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र और उत्तर प्रदेश में भी हफ्ते के ज्यादातर दिनों में मूसलाधार बारिश का सिलसिला जारी रहेगा।

आईएमडी ने बताया कि मध्य समुद्र तल पर मानसून ट्रफ का पश्चिमी सिरा अपनी सामान्य स्थिति से उत्तर की ओर है, जबकि पूर्वी सिरा अपनी सामान्य स्थिति से दक्षिण की ओर बना हुआ है। 14 अगस्त को झारखंड और उससे सटे गांगेय पश्चिम बंगाल पर बना डिप्रेशन कमजोर होकर कम दबाव के क्षेत्र में बदल गया था, जो 15 अगस्त की सुबह दक्षिण-पूर्वी झारखंड के ऊपर स्थित है। यह प्रणाली अगले 12 घंटों के दौरान और कमजोर हो जाएगी। उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी के ऊपर एक ऊपरी हवा का चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है, जिसके प्रभाव से अगले 48 घंटों के दौरान उत्तरी बंगाल की खाड़ी के ऊपर एक नया कम दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना है। इसके अलावा, मध्य और निकटवर्ती उत्तरी प्रायद्वीपीय भारत में एक शीयर जोन बना हुआ है जबकि दक्षिण-पश्चिम राजस्थान और मध्य असम के ऊपर भी चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र सक्रिय है।

बीते 24 घंटों में बारिश का रिकॉर्ड तोड़ प्रदर्शन

24 घंटों के आंकड़ों के मुताबिक देश के कई राज्यों में भीषण बारिश दर्ज की गई है। हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, पूर्वी राजस्थान, ओडिशा, गांगेय पश्चिम बंगाल और छत्तीसगढ़ में 12 से 20 सेमी तक बहुत भारी बारिश हुई। वहीं हरियाणा, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, झारखंड, असम, मिजोरम, मध्य महाराष्ट्र, गुजरात क्षेत्र और तमिलनाडु में 7 से 11 सेमी तक भारी बारिश रिकॉर्ड की गई।

उत्तर-पश्चिम भारत: यूपी और उत्तराखंड में 16-17 अगस्त को भारी से बहुत भारी बारिश

उत्तर-पश्चिम भारत के पहाड़ी और मैदानी राज्यों में 15 से 21 अगस्त के दौरान व्यापक बारिश का दौर चलेगा। हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, गिलगित-बाल्टिस्तान, मुज़फ़्फ़राबाद में 15 से 21 अगस्त तक अधिकांश जगहों पर बारिश होगी। मैदानी इलाकों में हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली और पंजाब में 15 और 18 अगस्त को, पश्चिम उत्तर प्रदेश में 16 और 17 अगस्त को तथा पूर्वी उत्तर प्रदेश में 16 से 21 अगस्त तक व्यापक बारिश का अनुमान है।

पूर्वानुमान के अनुसार, उत्तराखंड में 15 से 17 अगस्त के दौरान और पूर्वी और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 16 और 17 अगस्त को भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है। हिमाचल प्रदेश में 17 और 18 अगस्त को तथा जम्मू-कश्मीर इलाके में 17 अगस्त को बहुत भारी वर्षा दर्ज की जा सकती है। इसके अलावा 15 अगस्त को दिल्ली, हरियाणा, पंजाब, राजस्थान और पश्चिमी यूपी में अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश की चेतावनी दी गई है, जबकि 15 से 21 अगस्त के बीच उत्तराखंड और यूपी में गरज-चमक के साथ बिजली गिरने के आसार हैं।

पूर्व और पूर्वोत्तर भारत: 17 अगस्त को अत्यंत भारी बारिश का अलर्ट

पूर्वी भारत में मौसम सबसे अधिक आक्रामक रुख दिखाएगा। गांगेय पश्चिम बंगाल, झारखंड, ओडिशा, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह तथा उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल व सिक्किम में 15 से 21 अगस्त तक और बिहार में 17 से 20 अगस्त तक भारी बारिश की गतिविधि जारी रहेगी। इस दौरान 17 अगस्त को उत्तरी ओडिशा और गांगेय पश्चिम बंगाल में अत्यंत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।

गांगेय पश्चिम बंगाल में 16 अगस्त को, ओडिशा में 16 से 18 अगस्त को और झारखंड में 17 और 18 अगस्त को बहुत भारी बारिश होने का अनुमान है। 15 अगस्त को ओडिशा में और 17 अगस्त को बिहार में भीषण आकाशीय बिजली चमकने की चेतावनी दी गई है। पूर्वोत्तर भारत के अरुणाचल प्रदेश में 15 से 17 अगस्त तक और असम व मेघालय में 17 अगस्त को बहुत भारी बारिश की संभावना है। वहीं नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 15 से 21 अगस्त तक लगातार भारी बारिश और गरज-चमक का अलर्ट जारी किया गया है।

मध्य और पश्चिम भारत: मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और कोंकण में झमाझम

मध्य भारत के राज्यों में मानसूनी गतिविधियां पूरी तरह सक्रिय हैं। छत्तीसगढ़, पूर्वी मध्य प्रदेश और पश्चिम मध्य प्रदेश में 15 से 21 अगस्त तक तथा विदर्भ में 15 से 18 अगस्त तक अधिकांश स्थानों पर मध्यम से भारी बारिश होगी। पश्चिम मध्य प्रदेश में 15 से 17 अगस्त तथा छत्तीसगढ़ और पूर्वी मध्य प्रदेश में 15 से 19 अगस्त के बीच अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश दर्ज की जाएगी।

पश्चिम भारत की बात करें तो कोंकण और गोवा में 15 से 21 अगस्त तक तथा गुजरात क्षेत्र में 15 और 16 अगस्त को व्यापक बारिश का अनुमान है। कोंकण व गोवा में 15 से 17 अगस्त, मध्य महाराष्ट्र में 15 से 18 अगस्त और गुजरात क्षेत्र में 15 व 16 अगस्त को भारी वर्षा हो सकती है।

दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत: तटीय इलाकों में तेज हवाएं और बारिश

दक्षिण भारत में तटीय कर्नाटक, केरल व माहे में 15 से 21 अगस्त तक तथा लक्षद्वीप में 15-16 और 19-21 अगस्त के दौरान व्यापक बारिश होगी। तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराइकल में 18 से 20 अगस्त के दौरान भारी बारिश की संभावना व्यक्त की गई है। तटीय आंध्र प्रदेश, यनम, रायलसीमा, तमिलनाडु और आंतरिक कर्नाटक में 15 से 19 अगस्त के दौरान 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तूफानी हवाएं चलने और तेज गरज-चमक का अलर्ट जारी किया गया है, जिनकी गति बढ़कर 60 किमी प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। तटीय कर्नाटक, आंतरिक कर्नाटक, आंध्र प्रदेश और तेलंगाना के इलाकों में 15 से 19 अगस्त के दौरान तेज सतही हवाएं चलने का अनुमान जताया गया है।

UP Heavy Rain Alert: UP में मानसून अभी और दिखाएगा रौद्र रूप! 13 अगस्त से पूरे प्रदेश में झमाझम बारिश, आईएमडी ने जारी किया अलर्ट

उत्तर प्रदेश में एक बार फिर मानसून एक्टिव होने जा रहा है। मौसम विभाग के अनुसार, 13 से 18 अगस्त के बीच प्रदेश के कई इलाकों में भारी बारिश होने की संभावना जताई है। इस दौरान कई इलाकों में भारी बारिश के साथ आकाशीय बिजली और तेज आंधी-तूफान देखने को मिल सकता है। लखनऊ मौसम केंद्र के मुताबिक, मध्य प्रदेश और बंगाल की खाड़ी के पास बने कम दबाव के क्षेत्रों के कारण बारिश बढ़ सकती है। 13 अगस्त से पूर्वी यूपी में बारिश शुरू होगी और 14 अगस्त तक इसका असर मध्य व पश्चिमी यूपी के कुछ हिस्सों में भी देखने को मिल सकता है। आइए जानते हैं यूपी के किन राज्यों में होगी भारी बारिश

16 अगस्त तक होगी तेज बारिश

मौसम विभाग के मुताबिक, मानसूनी द्रोणी के उत्तर की ओर खिसकने से प्रदेश में मानसूनी प्रवाह मजबूत होगा। बंगाल की खाड़ी में बना निम्न दबाव क्षेत्र भी धीरे-धीरे मजबूत होने की संभावना है। आईएमडी के मुताबिक, ये सिस्टम अगले 12 घंटों में स्पष्ट निम्न दबाव क्षेत्र और उसके बाद 24 घंटे के दौरान अवदाब में बदल सकता है। 13 अगस्त को पूर्वी यूपी के कई इलाकों में बारिश के साथ गरज-चमक हो सकती है। 14 अगस्त और 15 अगस्त को यूपी के कुछ इलाकों में भी बारिश हो सकती है। 16 अगस्त को पूर्वी यूपी के लगभग सभी इलाकों और पश्चिमी यूपी के कुछ हिस्सों में बारिश होने का अनुमान है।

कई जिलों में भारी बारिश का अनुमान

मौसम विभाग के मुताबिक, 13 अगस्त को सोनभद्र, चंदौली, गाजीपुर, गोरखपुर, बलिया, देवरिया, कुशीनगर, महाराजगंज, सिद्धार्थनगर और बलरामपुर समेत कई जिलों में भारी बारिश की संभावना है। कई इलाकों में गरज-चमक और आकाशीय बिजली का भी खतरा रहेगा। वहीं, 14 अगस्त को प्रयागराज, सोनभद्र, मिर्जापुर, बहराइच, लखीमपुर खीरी, कानपुर, सहारनपुर, बरेली, मुरादाबाद, पीलीभीत और आसपास के कई जिलों में भारी बारिश हो सकती है।

 

बारिश ने मिलेगी राहत

मौसम विभाग के मुताबिक, 15 अगस्त को प्रयागराज, सोनभद्र, मिर्जापुर, वाराणसी, लखीमपुर खीरी, सहारनपुर, बरेली, मुरादाबाद, पीलीभीत और आसपास के कई इलाकों में भारी बारिश हो सकती है। 16 अगस्त को भी प्रयागराज, वाराणसी, गोरखपुर, बस्ती, कुशीनगर, महाराजगंज, अयोध्या और बरेली समेत कई जिलों में बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। 17 और 18 अगस्त को भी पूर्वी उत्तर प्रदेश के कई जिलों, खासकर गोरखपुर, बस्ती, महाराजगंज, बलरामपुर, श्रावस्ती, आजमगढ़ और अंबेडकर नगर में भारी बारिश हो सकती है।

अभी भी बारिश की कमी

प्रदेश में आने वाले दिनों में बारिश बढ़ने वाली है, लेकिन इस मानसून में अब तक उत्तर प्रदेश में सामान्य से कम बारिश हुई है। 12 अगस्त तक पूर्वी यूपी में 335.4 मिमी बारिश हुई, जो सामान्य से 30 फीसदी कम है। पश्चिमी यूपी में 369.8 मिमी बारिश हुई, जो सामान्य से 10 फीसदी कम है। पूरे प्रदेश में अब तक 349.6 मिमी बारिश दर्ज की गई है, जो सामान्य से 22 फीसदी कम है। वहीं, मेरठ, मुजफ्फरनगर और संभल में सामान्य से 60 फीसदी से ज्यादा बारिश हुई है। एटा और फिरोजाबाद में भी सामान्य से अधिक बारिश दर्ज की गई है, जबकि कई जिलों में बारिश सामान्य से काफी कम रही है।

बारिश के दौरान बरतनी होगी सावधानी

भारी बारिश के दौरान निचले इलाकों में पानी भर सकता है और कच्चे या कमजोर मकानों को नुकसान पहुंच सकता है। बिजली सप्लाई प्रभावित होने के साथ सड़कों पर फिसलन भी बढ़ सकती है। नदियों और नालों का पानी अचानक बढ़ने का खतरा है। ऐसे में लोगों को जलभराव और बाढ़ वाले इलाकों से दूर रहने, सुरक्षित पक्की जगह पर रहने और बारिश के दौरान पेड़ों के नीचे खड़े न होने की सलाह दी गई है।