Silver Prices: चांदी में रिकॉर्ड हाई से 46% की गिरावट, जेपी मॉर्गन ने कीमतों के लिए अनुमान घटाया

Silver Prices: चांदी में निवेश करने वालों को पिछले कुछ महीनों में बड़ा झटका लगा है। 29 जनवरी को चांदी की कीमत ₹3,84,632 प्रति किलो के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई थी। लेकिन 19 अक्टूबर तक यह गिरकर ₹2,08,380 प्रति किलो रह गई। यानी रिकॉर्ड हाई से करीब 45.8% की गिरावट आई है।

अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी चांदी दबाव में है। मंगलवार को इसकी कीमत करीब 56.50 डॉलर प्रति औंस पर आ गई। जनवरी के 121 डॉलर के रिकॉर्ड स्तर से यह करीब 54% नीचे है।

चांदी की कीमतों पर दबाव क्यों?

कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों ने महंगाई की चिंता बढ़ा दी है। वहीं, अमेरिकी डॉलर मजबूत हुआ है और बॉन्ड यील्ड भी ऊंची बनी हुई है। इससे बाजार को लग रहा है कि केंद्रीय बैंक ब्याज दरें लंबे समय तक ऊंची रख सकते हैं। चांदी पर इसका दबाव पड़ रहा है, क्योंकि इससे नियमित ब्याज आय नहीं होती।

चांदी का भाव कितना गिर सकता है?

J.P. Morgan Global Research को उम्मीद है कि 2026 की चौथी तिमाही में चांदी करीब 63 डॉलर प्रति औंस पर कारोबार कर सकती है। बैंक ने 2026 के लिए औसत भाव का अनुमान 84 डॉलर से घटाकर 70 डॉलर प्रति औंस कर दिया है। 2027 के लिए उसका अनुमान 63 डॉलर प्रति औंस है।

Bloomberg Intelligence के कमोडिटी रणनीतिकार माइक मैकग्लोन ने भी गिरावट की आशंका जताई है। Kitco के मुताबिक, उनके अनुसार चांदी निकट भविष्य में 50 डॉलर प्रति औंस तक गिर सकती है। लंबे समय तक इसका भाव 50 से 84 डॉलर के दायरे में रह सकता है।

तेल, डॉलर और अमेरिकी ब्याज दरों पर नजर

मंगलवार को ब्रेंट क्रूड 110 डॉलर प्रति बैरल के ऊपर पहुंच गया। मध्य पूर्व और पूर्वी यूरोप में बढ़ते तनाव ने तेल की कीमतों को सहारा दिया। महंगा तेल महंगाई बढ़ा सकता है। इससे अमेरिकी फेडरल रिजर्व के ब्याज दरें ऊंची रखने या बढ़ाने की आशंका बढ़ती है।

बाजार को उम्मीद है कि फेड 27-28 अक्टूबर की बैठक में दरें नहीं बदलेगा। हालांकि, दिसंबर में ब्याज दर बढ़ने की आशंका भी बढ़ी है। आने वाले अमेरिकी CPI और PPI आंकड़े इस दिशा में अहम होंगे। महंगाई के आंकड़े उम्मीद से ज्यादा रहे, तो चांदी पर दबाव बढ़ सकता है।

भारतीय निवेशकों को क्या करना चाहिए?

मई में इंपोर्ट ड्यूटी बढ़ने से घरेलू चांदी की कीमतों को कुछ सहारा मिला है। लेकिन इससे अंतरराष्ट्रीय बाजार की गिरावट पूरी तरह नहीं रुक सकती।

चांदी में आगे भी उतार-चढ़ाव रह सकता है। निवेशकों को कच्चे तेल, अमेरिकी महंगाई के आंकड़ों, डॉलर और बॉन्ड यील्ड पर नजर रखनी चाहिए। एक्सपर्ट्स का कहना है कि सिर्फ कीमत गिरने को सस्ता खरीदने का संकेत न मानें। एक साथ पूरी रकम लगाने के बजाय चरणों में खरीदारी करने से समय चुनने का जोखिम कुछ कम हो सकता है।

Gold Price Today: सोने में गिरावट पर लगा ब्रेक, दशहरा पर 24 और 22 कैरेट दोनों का भाव चढ़ा

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Gold Silver Prices Today: दिल्ली में इस हफ्ते सोना 3% गिरा, चांदी 13500 रुपये फिसली

Gold Silver Prices Today: यह हफ्ता सोने और चांदी की कीमतों के लिए अच्छा नहीं रहा। दोनों की कीमतों में बड़ी गिरावट देखने को मिली। हालांकि, हफ्ते के अंतिम दिन यानी शुक्रवार को सोने और चांदी की कीमतों में दिल्ली सर्राफा बाजार में बदलाव नहीं हुआ। सोना की कीमत बगैर किसी बदलाव के 1,49,900 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बनी रही।

चांदी 2.15 लाख रुपये प्रति किलोग्राम पर स्थिर रही

दिल्ली सर्राफा बाजार में चांदी की कीमतों में भी बदलाव नहीं हुआ। यह 2.15 लाख रुपये प्रति किलोग्राम पर बनी रही। हालांकि, अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने और चांदी दोनों की कीमतों में तेजी देखने को मिली। सोना 0.13 फीसदी चढ़कर 4,176 डॉलर प्रति औंस पर चल रहा था। चांदी 0.30 फीसदी के उछाल के साथ 57.58 डॉलर प्रति औंस थी।

इस हफ्ते दिल्ली में चांदी 13500 रुपये हुई सस्ती

इस हफ्ते सोना दिल्ली सर्राफा बाजार में 3 फीसदी यानी 4,500 रुपये प्रति 10 ग्राम सस्ता हुआ। चांदी में ज्यादा गिरावट देखने को मिली। यह इस हफ्ते 13,500 रुपये यानी 6 फीसदी फिसल गई। हालांकि, त्योहारों के दौरान सोने और चांदी में गिरावट ग्राहकों के लिए अच्छी खबर है। भारत में त्योहारों के दौरान सोने और चांदी खरीदने की परंपरा रही है।

रुपये में तेजी से सोने में रिकवरी पर लगी लगाम

डिजिटल एसेट ट्रेडिंग फर्म जियोटस डॉट कॉम के सीईओ विक्मर शुभराज ने कहा कि शुक्रवार को रुपये में डॉलर के मुकाबले छटे दिन तेजी आई। यह 7 पैसे चढ़कर 94.92 के लेवल पर पहुंच गया। रुपये में मजबूती से सोने में रिकवरी पर ब्रेक लगा है। रुपये में मजबूती से गोल्ड की इंपोर्ट कॉस्ट कम हो जाती है। इसका असर इसकी कीमतों पर पड़ता है।

अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने में रिकवरी 

ऑगमोन्ट में चीफ रिसर्च अफसर रेनिशा चैनानी ने कहा कि डॉलर इंडेक्स में नरमी से अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने में तेजी दिखी। इससे पहले यह गिरकर 18 महीने के निचले स्तर पर आ गया था। चांदी में भी तेज गिरावट देखने को मिली थी। एक्सपर्ट्स का मानना है कि सोने की कीमतें शॉर्ट टर्म में सीमित दायरे में रह सकती हैं।

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बुलियन मार्केट की नजरें फेड की पॉलिसी पर 

बुलियन मार्केट की नजरें इस महीने के अंत में आने वाली फेडरल रिजर्व की पॉलिसी पर लगी हैं। हालांकि, शुक्रवार को थाईलेंड में आईएमएफ की सालाना बैठक में फेड चेयरमैन केविन वॉर्श ने 28 अक्टूबर की पॉलिसी के फैसलों के बारे में किसी तरह का संकेत देने से इनकार कर दिया। लेकिन, फेडरल रिजर्व के चेयरमैन कह चुके हैं कि उनका फोकस फिलहाल कीमतों को बढ़ने से रोकने पर होगा।

Gold Silver Prices Today: दिल्ली में लगातार चौथे दिन फिसला सोना, चांदी एक दिन में ₹6000 गिरी

Gold Silver Prices Today: दिल्ली सर्राफा बाजार में 15 अक्तूबर को सोने और चांदी की कीमतों में बड़ी गिरावट आई। सोने में लगातार चौथे दिन गिरावट आई। यह 900 रुपये गिरकर 1,49,900 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ। डॉलर के मुकाबले रुपये में मजबूती और कमजोर फिजिकल डिमांड का असर सोने की कीमतों पर पड़ा।

चांदी में 6000 रुपये की गिरावट 

दिल्ली सर्राफा बाजार में चांदी में भी बड़ी गिरावट आई। यह 6000 रुपये गिरकर 2.15 लाख रुपये प्रति किलोग्राम पर बंद हुई। सोने में भी लगातार चौथे दिन गिरावट आई। एचडीएफसी सिक्योरिटीज में सीनियर एनालिस्टस सौमिल गांधी ने कहा कि रुपये में मजबूती और कमजोर डिमांड की वजह से सोने की कीमतों में नरमी दिखी।

रुपया लगातार पांचवें दिन चढ़ा

डॉलर के मुकाबले रुपये में लगातार चौथे दिन मजबूती आई। यह 12 पैसे की मजबूती के साथ 95.05 के लेवल पर बंद हुआ। आरबीआई ने पिछले हफ्ते रुपये पर दबाव घटाने के लिए कई कदम उठाए थे। इसका असर रुपये पर दिख रहा है। रुपये में मजबूती से सोने की इंपोर्ट कॉस्ट घट जाती है, जिसका असर इसकी कीमतों पर पड़ता है।

अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने में तेजी

अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने और चांदी में अच्छी रिकवरी दिखी। सोना 1.22 फीसदी चढ़कर 4,157 डॉलर प्रति औंस पर चल रहा था। चांदी 1.84 फीसदी की तेजी के साथ 56 डॉलर प्रति औंस पर थी। इससे पहले के सत्र में सोने और चांदी में गिरावट आई थी। खासकर चांदी में बड़ी गिरावट देखने को मिली थी।

डॉलर इंडेक्स में गिरावट से सोने को सपोर्ट

मिरै एसेट शेयरखान में कमोडिटीज हेड प्रवीण सिंह ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने में तेजी की वजह डॉलर इंडेक्स में गिरावट है। अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में नरमी का असर डॉलर इंडेक्स पर पड़ा है। हालांकि, अमेरिका में रिटेल इनफ्लेशन बढ़ा है। इससे इस महीने के आखिर में इंटरेस्ट रेट बढ़ने की संभावना बढ़ी है।

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बुलियन मार्केट की नजरें फेड की पॉलिसी पर 

इस महीने के अंत में फेडरल रिजर्व की मॉनेटरी पॉलिसी आने वाली है। इस बीच, क्रूड ऑयल की कीमतों में हल्की नरमी दिखी है। हालांकि, ब्रेट क्रूड अब भी 104 डॉलर प्रति बैरल पर है। बुलियन मार्केट की नजरें फेड की पॉलिसी पर लगी हैं। अगर फेड इंटरेस्ट रेट बढ़ाता है तो सोने पर दबाव बढ़ सकता है।

Gold Silver Prices Today: दिल्ली में सोना गिरा, चांदी एक दिन में ₹5000 फिसली

दिल्ली सर्राफा बाजार में 14 अक्तूबर को सोने और चांदी दोनों में गिरावट आई। रुपये में मजबूती ने सोने और चांदी पर दबाव बढ़ाया। सोना 1,800 रुपये गिरकर 1,50,800 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ। ऑल इंडिया सर्राफा एसोसिएशन ने यह बताया।

चांदी एक दिन में 5000 रुपये फिसली

चांदी में बड़ी गिरावट देखने को मिली। इसकी कीमत 5000 रुपये गिरकर 2.21 लाख रुपये प्रति किलोग्राम पर आ गई। रुपये में बुधवार को भी मजबूती दिखी। यह 19 पैसे की मजबूती के साथ 95.17 के लेवल पर आ गया। यह रुपये में मजबूती का लगातार चौथा दिन था। आरबीआई ने फॉरेक्स मार्केट में स्पेकुलेटिव ट्रांजेक्शंस रोकने के लिए कदम उठाए हैं, जिससे रुपये में तेजी आई है।

रुपये में मजबूती का पड़ा असर 

ट्रेडर्स ने बताया कि रुपये में मजबूती से सोने का इंपोर्ट सस्ता हो जाता है। इसका असर सोने की घरेलू कीमतों पर पड़ता है। एचडीएफसी सिक्योरिटीज में सीनियर एनालिस्ट सौमिल गांधी ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय बाजार के कमजोर संकेतों और रुपये में मजबूती से घरेलू बाजार में सोने में गिरावट आई।

सोने में ज्यादा गिरावट की उम्मीद नहीं

स्मार्टवेल्थ डॉट एआई के फाउंडर पंकज सिंह ने कहा कि भारत में त्योहारी मांग और चीन की लगातार खरीदारी से सोने में ज्यादा गिरावट आने की उम्मीद नहीं है। हालांकि, शॉर्ट टर्म में सावधानी बरतने की सलाह है। करेंसी में उतार-चढ़ाव का असर सोने की कीमतों पर देखने को मिल सकता है। इसका असर भारत में सोने के निवेशकों के रिटर्न पर पड़ेगा।

अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी सोने में नरमी

आनंदराठी शेयर में रिसर्च एनालिस्ट वेदिका नार्वेकर ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में गोल्ड में नरमी दिखी। इसकी कीमत 4,150 डॉलर प्रति औंस के नीचे चली गई, जो इस हफ्ते सोने का सबसे कम भाव है। उन्होंने कहा कि करीब बीते दो हफ्तों से सोने की कीमतें सीमित दायरे में बनी हुई हैं। डॉलर 18 महीनों के हाई लेवल से नीचे आया है। इसके बावजूद यह मजबूत बना हुआ है।

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चांदी 59 डॉलर से नीचे आई 

अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना 0.49 फीसदी गिरकर 4,140 डॉलर प्रति औंस पर आ गया। सिल्वर में तो एक फीसदी से ज्यादा गिरावट आई। यह 58.49 डॉलर प्रति औंस पर था। इससे पहले 27 जुलाई को चांदी का भाव 58.40 डॉलर प्रति औंस था। मार्केट की नजरें फेडरल रिजर्व की मीटिंग पर लगी हैं, जो इस महीने के आखिर में होने वाली है।

Gold Silver Prices Today: दिल्ली सर्राफा बाजार में लगातार दूसरे दिन गिरा सोना, चांदी भी फिसली

Gold Silver Prices Today: दिल्ली सर्राफा बाजार में 13 अक्तूबर को लगातार दूसरे दिन सोने में गिरावट आई। यह 400 रुपये गिरकर 1,56,600 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ। चांदी में भी गिरावट देखने को मिली। अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने में हल्की तेजी थी, जबकि चांदी पर दबाव था।

चांदी में 500 रुपये की गिरावट 

दिल्ली सर्राफा बाजार में चांदी 500 रुपये गिरकर 2,26,000 रुपये प्रति किलोग्राम पर रही। सोने और चांदी की कीमतों पर रुपये में मजबूती का असर पड़ा। बीते दो सत्रों में रुपये में 1.5 फीसदी की मजबूती आई है। रुपये में मजबूती से गोल्ड के आयात की लागत घट जाती है। इसका असर इसके घरेलू प्राइस पर पड़ता है।

अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी गिरी चांदी

अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना 0.03 फीसदी चढ़कर 4,172 डॉलर प्रति औंस पर चल रहा था। सिल्वर 0.97 फीसदी गिरकर 59,60 डॉलर प्रति औंस पर चल रहा था। क्रूड ऑयल की कीमतों में हल्की कमजोरी देखने को मिली। हालांकि, ब्रेंट क्रूड अब भी 105 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर बना हुआ है।

क्रूड ऑयल 100 डॉलर के ऊपर 

क्रूड ऑयल की कीमतें लगातार 100 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर बनी हुई है। इससे अमेरिका सहित दूसरे देशों में महंगाई तेजी से बढ़ने का डर है। इस महीने के आखिर में अमेरिकी केंद्रीय बैंक फेडरल रिजर्व की मॉनेटरी पॉलिसी आने वाली है। बुलियन मार्केट की नजरें फेड के फैसले पर लगी हैं। अगर फेड इंटरेस्ट रेट बढ़ाता है तो इसका खराब असर सोने की कीमतों पर पड़ सकता है।

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सोने और चांदी की कीमतों पर दबाव 

इस साल की शुरुआत में सोने और चांदी की कीमतें रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंच गई थीं। उसके बाद उनमें तेज गिरावट आई। फरवरी के अंत में अमेरिका और ईरान के बीच शुरू लड़ाई ने सोने और चांदी पर दबाव और बढ़ा दिया। तब से सोने और चांदी की कीमतें सीमित दायरे में चढ़ और उतर रही हैं।

Gold Silver Prices Today: दिल्ली में सोने में लगातार दूसरे दिन जोरदार तेजी, चांदी भी ₹4500 रुपये उछली

Gold Silver Prices Today: दिल्ली सर्राफा बाजार में 9 अक्टूबर को सोने में लगातार दूसरे दिन जोरदार तेजी आई। यह 1,900 रुपये के उछाल के साथ 1,54,400 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ। चांदी में भी अच्छी तेजी आई। अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने और चांदी में मजबूती का असर घरेलू बाजार में इनकी कीमतों पर पड़ा। डॉलर में नरमी का असर भी सोने की कीमतों पर पड़ा।

चांदी में गिरावट पर लगा ब्रेक

चांदी में भी दिल्ली सर्राफा बाजार में जोरदार तेजी देखने को मिली। चांदी में गिरावट पर ब्रेक लग गया। यह 4,500 रुपये के उछाल के साथ 2,28,500 रुपये प्रति किलोग्राम पर बंद हुई। गुरुवार को चांदी में 3000 रुपये की गिरावट आई थी। इस हफ्ते के पहले तीन दिनों में चांदी की कीमतों में स्थिरता देखने को मिली थी।

डॉलर में नरमी से सोने को सपोर्ट

ब्रोकरेज प्लेटफॉर्म लेमन के हेड ऑफ रिसर्च गौरव गर्ग ने कहा कि गोल्ड में तेजी की वजह अमेरिकी डॉलर में नरमी है। हालांकि, इनफ्लेशन को लेकर चिंता बनी हुई है। ब्रेंट क्रूड का प्राइस फिर से 104 डॉलर प्रति बैरल के पार चला गया है। 8 अक्टूबर को यह एक समय 105 डॉलर प्रति बैरल के पार चला गया था।

इस हफ्ते सोने में 3 फीसदी की तेजी

इस हफ्ते सोने और चांदी की कीमतों में काफी उतार-चढ़ाव रहा। लेकिन, लगातार दो दिन तेजी की वजह से सोने में 3.07 फीसदी यानी 4,600 रुपये की रिकवरी आई। हालांकि, चांदी में हफ्ते के दोरान 1,500 रुपये यानी 1 फीसदी की कमजोरी देखने को मिली। पिछले काफी समय से सोने और चांदी की कीमतों में सीमित दायरे में उतार-चढ़ाव दिख रहा है।

अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने और चांदी में तेजी

अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने और चांदी में तेजी दिखी। सोना 1.33 फीसदी चढ़कर 4,188 डॉलर प्रति औंस चल रहा था। सिल्वर करीब 3 फीसदी उछाल के साथ 60.92 डॉलर प्रति औंस था। मिरै एसेट शेयरखान के हेड ऑफ कमोडिटीज प्रवीण सिंह ने कहा कि सोने की कीमतें तेजी के रुझान के साथ सीमित दायरे में रह सकती हैं। उन्होंने कहा कि क्रूड में तेजी आने पर सोने पर फिर से दबाव बढ़ सकता है।

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सोने की कीमतें सीमित दायरे में बने रहने की उम्मीद

इस साल की शुरुआत में सोने और चांदी की कीमतें रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंच गई थीं। उसके बाद दोनों में तेज गिरावट आई। फरवरी के अंत में अमेरिका और ईरान की लड़ाई शुरू होने के बाद सोने और चांदी पर दबाव और बढ़ गया। दोनों की कीमतें तब से सीमित दायरे में चढ़ और उतर रही हैं।

Gold Silver Prices Today: दिल्ली में सोना ₹3600 उछला, चांदी 3000 रुपये फिसली

Gold Silver Prices Today: दिल्ली सर्राफा बाजार में 8 अक्टूबर को सोने में जोरदार तेजी देखने को मिली। यह 3,600 रुपये के उछाल के साथ 1,52,500 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया। 7 अक्टूबर को दिल्ली सर्राफा बाजार में सोना 1,48,900 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ था। हालांकि, चांदी की कीमतों में 8 अक्टूबर को बड़ी गिरावट देखने को मिली।

फेस्टिव सीजन से पहले सोने में बढ़ी दिलचस्पी

इससे पहले लगातार दो सत्रों में सोने में गिरावट आई थी। ट्रेडर्स का कहना है कि फेस्टिवल सीजन से पहले सोने में रिटेलर्स और ज्वेलर्स की दिलचस्पी बढ़ी है, जिससे इसकी कीमतों को मजबूती मिली। ट्रेडर्स ने बताया कि ज्वेलर्स आम तौर पर फेस्टिव सीजन से पहले रॉ मैटेरियल के रूप में सोने का स्टॉक बढ़ाते हैं। त्योहारों के दौरान सोने की मांग बढ़ती है।

डॉलर में मजबूती और महंगे क्रूड से सोने में ज्यादा तेजी नहीं

ब्रोकरेज प्लेटफॉर्म लेमन के रिसर्च हेड गौरव गर्ग ने कहा कि सोने की कीमतें दो महीने के सबसे निचले स्तर पर आ गई थीं। अब इसमें रिकवरी दिखी है। हालांकि, क्रूड ऑयल की ऊंची कीमतें और डॉलर में मजबूती से सोने में तेजी सीमित बनी हुई है। चांदी की चाल सोने से उल्टी रही। यह 3000 रुपये गिरकर 2.24 लाख रुपये प्रति किलोग्राम पर बंद हुई।

अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने में तेजी, चांदी में गिरावट 

अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने में 0.32 फीसदी की तेजी दिखी। यह 4,125 डॉलर प्रति औंस था। सिल्वर करीब एक फीसदी गिरकर 59.15 डॉलर प्रति औंस था। आनंदराठी शेयर एंड स्टॉक ब्रोकर्स में रिसर्च एनालिस्ट वेदिका नार्वेकर ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में गोल्ड में स्थिरता रही। इससे पहले के सत्र में यह 9 हफ्ते के निचले स्तर पर पहुंच गया था।

क्रूड की कीमतें 105 डॉलर प्रति बैरल पर 

उन्होंने कहा कि सोने में तेजी दिखी है, लेकिन क्रूड की कीमतें अब भी हाई लेवल पर बनी हुई हैं। खबरों के मुताबिक, व्हाइट हाउस ने पेंटागन को ईरानी ठिकानों पर हमलों के विकल्पों पर विचार करने को कहा है। ये हमले अमेरिका में मिड-टर्म इलेक्शंस से पहले हो सकते हैं। उधर, अमेरिका में बॉन्ड यील्ड हाई लेवल पर बनी हुई है।

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इस साल की शुरुआत में सोना और चांदी रिकॉर्ड ऊंचाई पर

इस साल की शुरुआत में सोने और चांदी की कीमतें रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंच गई थीं। उसके बाद दोनों की कीमतों में बड़ी गिरावट आई। फरवरी के अंत में अमेरिका और ईरान के बीच लड़ाई शुरू होने के बाद सोने और चांदी की कीमतों पर दबाव और बढ़ गया।

Gold Silver Prices Today: दिल्ली में सोने की कीमत लगातार दूसरे दिन गिरी, चांदी के भाव में कोई बदलाव नहीं

Gold Silver Prices Today: घरेलू बाजार में सोने की कीमत में लगातार दूसरे दिन गिरावट आई। बुधवार को दिल्ली में सोना 700 रुपये सस्ता हुआ। इसका भाव 1,48,900 रुपये प्रति 10 ग्राम रहा। मंगलवार को यह 1,49,600 रुपये पर था।

24 कैरेट वाला सोना भी एक हफ्ते के निचले स्तर पर पहुंच गया। 29 सितंबर को इसका भाव 1,48,600 रुपये प्रति 10 ग्राम था।

कमजोर मांग का असर

HDFC सिक्योरिटीज के सीनियर एनालिस्ट सौमिल गांधी के मुताबिक, घरेलू बाजार में सोने की मांग कमजोर रही। ऊपर से ग्लोबल मार्केट में भी संकेत अच्छे नहीं थे। इसका सीधा असर सोने की कीमत पर पड़ा।

पश्चिम एशिया में तनाव के चलते कच्चे तेल की सप्लाई को लेकर चिंता बढ़ी है। इसके कारण क्रूड की कीमत फिर चढ़ी। इसका भी सोने पर दबाव पड़ा।

रुपये की कमजोरी ने संभाला

हालांकि, रुपये की कमजोरी ने सोने की कीमत को ज्यादा गिरने से रोक दिया। बुधवार को रुपया डॉलर के मुकाबले 43 पैसे टूटकर 96.78 के स्तर पर बंद हुआ।

कमजोर रुपया आमतौर पर भारत में आयात होने वाले सोने को महंगा करता है। इसलिए घरेलू बाजार में सोने की गिरावट कुछ सीमित रही।

चांदी 2.27 लाख रुपये पर स्थिर

चांदी की कीमत में बुधवार को कोई बदलाव नहीं हुआ। यह लगातार तीसरा कारोबारी सत्र है, जब चांदी 2.27 लाख रुपये प्रति किलोग्राम पर बनी हुई है।

हालांकि, ग्लोबल मार्केट में चांदी की हालत कमजोर रही। इसकी कीमत 2.26% गिरकर 59.97 डॉलर प्रति औंस पर आ गई। यह करीब तीन महीने का निचला स्तर है। चांदी इससे पहले 9 जुलाई को इस स्तर के आसपास थी।

ग्लोबल मार्केट में सोना भी दबाव में

अंतरराष्ट्रीय बाजार में स्पॉट गोल्ड 47.42 डॉलर यानी 1.14% गिरकर 4,116.55 डॉलर प्रति औंस पर आ गया। ग्लोबल ट्रेड में सोना करीब 4,120 डॉलर के आसपास बना हुआ है।

मुद्रेक्स के लीड क्वांट एनालिस्ट अक्षत सिद्धांत के मुताबिक, अब बाजार की नजर अमेरिकी फेडरल रिजर्व की बैठक के मिनट्स पर है। इससे आगे ब्याज दरों को लेकर तस्वीर साफ हो सकती है।

मजबूत डॉलर भी बना दबाव

डॉलर इस समय करीब 18 महीने के उच्च स्तर पर है। मजबूत डॉलर से सोने की कीमत पर दबाव बढ़ता है। दिसंबर में अमेरिकी ब्याज दर बढ़ने की संभावना करीब 70% मानी जा रही है।

यानी फिलहाल सोने के लिए माहौल बहुत मजबूत नहीं दिख रहा। ग्लोबल ब्याज दरों और डॉलर की चाल आगे भी इसकी कीमत तय करने में अहम रहेगी।

RBI की दर बढ़ोतरी से भी बदला माहौल

इधर, भारतीय रिजर्व बैंक ने भी बुधवार को बड़ा फैसला लिया। RBI ने रेपो रेट 25 बेसिस प्वाइंट बढ़ाकर 5.50% कर दिया। करीब चार साल में यह पहली बढ़ोतरी है।

RBI ने यह कदम बढ़ती महंगाई और कमजोर रुपये के बीच उठाया है। केंद्रीय बैंक ने आगे भी दरें बढ़ाने के संकेत दिए हैं।

आगे 75 बेसिस प्वाइंट बढ़ोतरी की उम्मीद

मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेज की चीफ इकोनॉमिस्ट राधिका पिपलानी के मुताबिक, RBI ने अपना रुख न्यूट्रल से बदलकर ‘कैलिब्रेटेड टाइटनिंग’ कर दिया है।

उनका मानना है कि इस साइकिल में RBI कुल 75 बेसिस प्वाइंट तक दरें बढ़ा सकता है। इससे रेपो रेट 6.25% तक पहुंच सकता है। इसमें दिसंबर में 25 बेसिस प्वाइंट की बढ़ोतरी भी शामिल है। बाजार इस बढ़ोतरी की काफी हद तक उम्मीद पहले से कर रहा है।

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Gold Silver Prices Today: दिल्ली में सोना गिरा, चांदी की कीमतों में बदलाव नहीं

दिल्ली सर्राफा बाजार में 6 अक्तूबर को सोने में गिरावट आई। यह 200 रुपये गिरकर 1,49,600 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ। एक्सपर्ट्स का कहना है कि घरेलू बाजार में कमजोर मांग और डॉलर में मजबूती का असर सोने की कीमतों पर पड़ा। दिल्ली सर्राफा बाजार में चांदी की कीमतों में बदलाव नहीं हुआ।

चांदी लगातार दूसरे दिन स्थिर रही। इसकी कीमत 2.27 लाख रुपये प्रति किलोग्राम रही। हालांकि, अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने में हल्की तेजी और चांदी में हल्की नरमी देखने को मिली। एचडीएफसी सिक्योरिटीज के सीनियर कमोडिटीज एनालिस्ट सौमिल गांधी ने कहा कि पितृपक्ष की वजह से घरेलू बाजार में कमजोर डिमांड का असर सोने की कीमतों पर पड़ा। पितृपक्ष के दौरान आम तौर पर लोग सोना, चांदी, ज्वेलरी और प्रॉपर्टी खरीदने से परहेज करते हैं। इस वजह से इस दौरान इनकी बिक्री पर असर पड़ता है।

अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने में हल्की तेजी दिखी, जबकि चांदी की कीमतों पर दबाव दिखा। सोना 0.38 फीसदी चढ़कर 4,154 डॉलर प्रति औंस पर चल रहा था। चांदी 0.11 फीसदी गिरकर 60.90 डॉलर प्रति औंस थी। हालांकि, क्रूड में नरमी देखने को मिली। ब्रेंट क्रूड 2 फीसदी से ज्यादा गिरकर 98.21 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया।

सोने और चांदी की कीमतें इस साल की शुरुआत में रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंच गई थीं। उसके बाद दोनों में तेज गिरावट आई। फरवरी के आखिर में अमेरिका और ईरान के बीच शुरू लड़ाई ने बुलियन पर दबाव और बढ़ा दिया। इसकी बड़ी वजह क्रूड की कीमतों में उछाल है। मध्यपूर्व में लड़ाई की वजह से क्रूड में उछाल है। इसका असर इनफ्लेशन पर पड़ रहा है। इनफ्लेशन को कंट्रोल में करने के लिए केंद्रीय बैंक इंटरेस्ट रेट बढ़ा सकते हैं।

इंटरेस्ट रेट बढ़ने पर सोने की चमक घट जाती है। डॉलर में मजबूती का भी निगेटिव असर सोने की कीमतों पर पड़ता है। इसकी वजह यह है कि डॉलर में मजबूती से दूसरी करेंसी में सोना खरीदना महंगा हो जाता है। 7 अक्तूबर को आरबीआई अपनी मौद्रिक पॉलिसी पेश करेगा। इस महीने के अंत में फेडरल रिजर्व अपनी पॉलिसी पेश करेगा। अगर फेड इंटरेस्ट रेट में कोई बदलाव नहीं करता है तो सोने की कीमतों पर दबाव घट सकता है।

Gold Silver Prices Today: सोना ₹1020 सस्ता हुआ, ₹1.50 लाख से नीचे आया भाव; चांदी भी ₹2887 टूटी

Gold Silver Prices Today: सोने की कीमतों में सोमवार को करीब 1% की गिरावट आई। मजबूत अमेरिकी डॉलर के कारण सोने की तेजी पर दबाव बना हुआ है। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर दिसंबर डिलीवरी वाला सोना ₹1,020 गिरकर ₹1,49,370 प्रति 10 ग्राम पर आ गया।

पिछले हफ्ते छुट्टियों के कारण कम कारोबार वाले सत्र में भी सोने की कीमतों में गिरावट आई थी। सोना ₹2,887 यानी करीब 2% टूटकर ₹1.50 लाख प्रति 10 ग्राम पर रहा। शुक्रवार को महात्मा गांधी जयंती के कारण घरेलू कमोडिटी बाजार बंद था।

मजबूत डॉलर से सोने पर दबाव

Choice Broking की कमोडिटी टेक्निकल एनालिस्ट कावेरी मोरे ने कहा कि सोने की कीमतें फिलहाल एक दायरे में बनी हुई हैं। मजबूत अमेरिकी डॉलर और ऊंची बॉन्ड यील्ड के कारण सोने में तेजी की रफ्तार सीमित है। डॉलर इंडेक्स 102.37 के आसपास 18 महीने के ऊंचे स्तर पर बना हुआ है। इससे सोने पर दबाव बढ़ रहा है।

अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना

अंतरराष्ट्रीय बाजार में न्यूयॉर्क के कॉमेक्स पर दिसंबर डिलीवरी वाला सोना मामूली बढ़त के साथ 4,163.50 डॉलर प्रति औंस पर कारोबार कर रहा था।

निवेश प्लेटफॉर्म Mudrex के लीड क्वांट एनालिस्ट अक्षत सिद्धांत के मुताबिक, अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना 4,150 डॉलर प्रति औंस के ऊपर बना हुआ है। शुक्रवार को यह थोड़े समय के लिए 4,200 डॉलर के पार चला गया था।

अमेरिका के कमजोर रोजगार आंकड़ों से फेडरल रिजर्व की अक्टूबर में ब्याज दर बढ़ाने की उम्मीद घटकर 20% से नीचे आ गई है। हालांकि, दिसंबर में दर बढ़ने की संभावना अभी करीब 70% मानी जा रही है।

पिछले हफ्ते सोना और चांदी दोनों टूटे

पिछले हफ्ते अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना 158.9 डॉलर यानी 3.7% गिरकर 4,162.3 डॉलर प्रति औंस पर बंद हुआ। वहीं, चांदी 4.38 डॉलर यानी 6.7% गिरकर 60.41 डॉलर प्रति औंस पर आ गई।

Motilal Oswal Financial Services के कमोडिटी एनालिस्ट मानव मोदी के मुताबिक, अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड ऊंची रहने के कारण सोने की रिकवरी पर दबाव बना हुआ है। 10 साल की अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड करीब 5.2% पर बनी हुई है। लगातार महंगाई, राजकोषीय चिंताएं और सरकार की ज्यादा उधारी इसके पीछे प्रमुख कारण हैं।

आगे किन आंकड़ों पर नजर?

एनालिस्ट के मुताबिक, इस हफ्ते प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं के सर्विसेज PMI आंकड़े, अमेरिका के व्यापार आंकड़े और महीने के मध्य में आने वाले कंज्यूमर सेंटिमेंट के आंकड़े सोने की दिशा के लिए अहम होंगे।

इसके अलावा अमेरिका और ईरान के बीच जारी तनाव भी कीमती धातुओं में उतार-चढ़ाव बढ़ा सकता है।

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