Weather Update 17 October 2026: दक्षिण भारत समेत आज 18 राज्यों में बारिश का अलर्ट! दिल्ली-UP में बढ़ेगी ठंड, पहाड़ों पर बर्फबारी के आसार

Weather Update 17 October 2026: देशभर में मौसम का मिजाज तेजी से बदल रहा है। दिल्ली-NCR समेत उत्तर भारत के कई इलाकों में बारिश के बाद तापमान गिरने लगा है और सुबह-शाम ठंड महसूस होने लगी है। पहाड़ी राज्यों में बर्फबारी ने भी मौसम का रुख बदल दिया है। वहीं, दक्षिण भारत में लौटता मानसून अब भी जोरदार बारिश कर रहा है। पूर्वी राज्यों में भी बारिश का सिलसिला जारी है।

इस बीच भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने आज यानी 17 अक्टूबर 2026 को दिल्ली, उत्तर प्रदेश और झारखंड समेत देश के 18 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में बारिश की संभावना जताई है। ऐसे में कहीं बारिश लोगों को गर्मी से राहत देगी, तो कहीं लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। आइए जानते हैं, आज किन राज्यों में बारिश होने के आसार हैं और कहां मौसम का मिजाज बदला रहेगा।

दिल्ली-NCR में बारिश के बाद बढ़ी ठंड

दिल्ली-NCR में बारिश के बाद मौसम सुहाना हो गया है। दो दिन पहले हुई बारिश के चलते तापमान में गिरावट आई है और अब सुबह-शाम हल्की ठंड महसूस होने लगी है। इस बीच मौसम विभाग ने आज यानी 17 अक्टूबर को भी राजधानी में बादल छाए रहने और हल्की बारिश होने की संभावना जताई है। मौसम विभाग के मुताबिक, दिल्ली में आज अधिकतम तापमान 32 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 21 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है। हालांकि, 18 अक्टूबर से मौसम साफ होने लगेगा। 18, 19, 20 और 21 अक्टूबर को आसमान मुख्य रूप से साफ रहने का अनुमान है।

यूपी में बदला मौसम, कई जिलों में बारिश के आसार

उत्तर प्रदेश में भी मौसम का रुख बदला गया है। पश्चिमी यूपी में हुई बारिश के बाद तापमान में गिरावट आई है। वहीं, मौसम विभाग ने आज प्रदेश के कई जिलों में आसमान में बादल छाए रहने और बारिश की संभावना जताई है। जबकि पश्चिमी और पूर्वी यूपी में आसमान साफ रहेगा और अधिकतर जिलों में मौसम शुष्क बना रहेगा।

बिहार और झारखंड में आज कैसा रहेगा मौसम?

बिहार में आज मौसम साफ और शुष्क रहने का अनुमान है। मौसम विभाग ने राज्य में बारिश को लेकर कोई चेतावनी जारी नहीं की है। वहीं, झारखंड में मौसम का मिजाज बदला हुआ है। रांची समेत राज्य के कई इलाकों में कल बारिश हुई थी और आज भी कुछ जिलों में बारिश होने की संभावना है। हालांकि, झारखंड में अब धीरे-धीरे मौसम साफ होने के आसार हैं। मौसम में इस बदलाव की वजह ओडिशा और आंध्र प्रदेश के तटीय इलाकों के ऊपर बना नया वेदर सिस्टम माना जा रहा है। इसका असर आसपास के राज्यों में भी देखने को मिल रहा है।

पहाड़ी राज्यों में बारिश-बर्फबारी के आसार

पहाड़ी राज्यों में मौसम का असर अब साफ नजर आने लगा है। हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के ऊंचे इलाकों में बारिश के साथ बर्फबारी जारी है। मौसम विभाग के मुताबिक, 18 अक्टूबर तक जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के कुछ हिस्सों में बारिश हो सकती है। वहीं, ऊंचाई वाले इलकों पर बर्फ गिरने की भी संभावना है।

बता दें कि इस मौसमी बदलाव से पहाड़ी क्षेत्रों में ठंड बढ़ेगी। साथ ही, आने वाले दिनों में ठंडी हवाओं का असर मैदानी इलाकों में भी महसूस हो सकता है, जिससे उत्तर भारत में तापमान और नीचे जाने के आसार हैं।

मानसून की विदाई से पहले दक्षिण भारत में बारिश तेज

दक्षिण भारत में मानसून की विदाई से पहले बारिश का दौर थमने का नाम नहीं ले रहा है। कई राज्यों में बादल जमकर बरस रहे हैं। मौसम विभाग के मुताबिक, आज तटीय कर्नाटक के कुछ इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। वहीं, केरल और माहे में भी कुछ जगहों पर तेज बारिश होने का अनुमान है। कर्नाटक के उत्तरी और दक्षिणी हिस्सों में भी भारी बारिश की संभावना जताई गई है। इसके अलावा आंध्र प्रदेश में गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है। इस दौरान तेज हवाएं चलने के भी आसार हैं।

यह भी पढ़ें: कल का मौसम 17 अक्टूबर: शनिवार को इन इलाकों में जमकर होगी बारिश, 50 किमी/घंटे की रफ्तार से चलेंगी हवाएं, IMD ने दिया ये अलर्ट

कल का मौसम 17 अक्टूबर: शनिवार को इन इलाकों में जमकर होगी बारिश, 50 किमी/घंटे की रफ्तार से चलेंगी हवाएं, IMD ने दिया ये अलर्ट

Mausam Update: देश के कई हिस्सों में मौसम का मिजाज अभी भी काफी कड़ा बना हुआ है। उत्तर-पूर्वी मानसून के असर की वजह से दक्षिण भारत के राज्यों में मूसलाधार बारिश का दौर लगातार जारी है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) द्वारा जारी ताजा मौसम बुलेटिन के मुताबिक कल शनिवार 17 अक्टूबर को दक्षिण प्रायद्वीप के कई इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश होने की चेतावनी दी गई है। इस दौरान कुछ जगहों पर तेज हवाएं चलने और आकाशीय बिजली चमकने का भी अनुमान जताया गया है। आइए जानते हैं कल 17 अक्टूबर को देश के अलग अलग राज्यों में कैसा रहेगा मौसम का हाल।

WhatsApp Image 2026-10-16 at 5.06.29 PM

दक्षिण भारत में भारी से बहुत भारी बारिश का तांडव जारी

दक्षिण प्रायद्वीप में सक्रिय मौसमी प्रणालियों के चलते बारिश की गतिविधियां थमने का नाम नहीं ले रही हैं। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक कल 17 अक्टूबर को दक्षिण आंतरिक कर्नाटक और तमिलनाडु, पुडुचेरी व कराइकल के अलग-अलग हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश होने की पूरी संभावना है। इसके अलावा तटीय कर्नाटक, केरल व माहे और आंध्र प्रदेश के अलग अलग जिलों में भी भारी बारिश दर्ज की जाएगी। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि इस दौरान आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु के कुछ इलाकों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे (झोंके 60 किमी/घंटे) की गति से तेज तूफानी हवाएं चलेंगी और गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली कड़केगी। आंतरिक कर्नाटक, केरल व माहे और तेलंगाना के हिस्सों में भी 30 से 40 किमी/घंटे की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चल सकती हैं। तटीय आंध्र प्रदेश के मैदानी इलाकों में दिन भर तेज सतही हवाएं चलती रहेंगी।

देश के दूसरे हिस्सों में गरज-चमक और बादलों की आवाजाही

दक्षिण भारत के अलावा देश के अन्य हिस्सों में भी छिटपुट मौसमी हलचल देखने को मिलेगी। मौसम विभाग के मुताबिक छत्तीसगढ़, तटीय कर्नाटक, कोंकण व गोवा, मध्य महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, मराठवाड़ा और ओडिशा के अलग-अलग हिस्सों में बादलों की गरज के साथ आकाशीय बिजली चमकने की गतिविधियां दर्ज की जा सकती हैं। राहत की बात यह है कि पिछले कुछ दिनों से उत्तर भारत के मैदानी इलाकों में सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ और अन्य प्रणालियों का असर अब कमजोर पड़ने लगा है। इससे दिल्ली-एनसीआर और उत्तर प्रदेश समेत अधिकांश मैदानी राज्यों में मौसम मुख्यतः साफ या आंशिक रूप से बादल छाए रहने की स्थिति में लौट रहा है।

मछुआरों के लिए राहत की खबर

समुद्री और तटीय इलाकों में उठने वाले तूफानों को लेकर मौसम विभाग ने फिलहाल स्थिति पूरी तरह सामान्य बताई है। समुद्र के भीतर किसी भी प्रकार की असाधारण या खतरनाक हलचल न होने की वजह से IMD ने मछुआरों के लिए समुद्र में जाने को लेकर कोई चेतावनी जारी नहीं की है।

यह भी पढ़ें: देश के इस हिस्से में 22 अक्टूबर तक जारी रहेगा भारी बारिश का दौर, दिल्ली-यूपी और उत्तराखंड के लिए IMD ने दिया ये अलर्ट

शेयर बाजार में हेरफेर मामले में ED की बड़ी कार्रवाई, 6 शहरों में 29 ठिकानों पर की छापेमारी

केंद्रीय जांच एजेंसी ईडी यानी प्रवर्तन निदेशालय (ED) के मुंबई जोनल ऑफिस-I ने शेयर बाजार में कथित हेरफेर और मनी लॉन्ड्रिंग के मामले में बड़ी कार्रवाई की है। ED ने 16 अक्टूबर 2026 को महाराष्ट्र, गुजरात समेत 6 शहरों में 29 ठिकानों पर छापेमारी की। यह कार्रवाई मुंबई, नासिक, अहमदाबाद, गांधीनगर, सूरत और भावनगर में की गई।

ED के इस जांच का संबंध लिस्टेड कंपनियों M/s R M Drip and Sprinklers Systems Ltd और M/s R&B Denims Ltd के शेयरों में कथित हेरफेर से है। ED ने प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (PMLA), 2002 के तहत यह कार्रवाई की है।

शेयरों के आवंटन से लेकर कीमत बढ़ाने तक की जांच

प्रवर्तन निदेशालय की जांच में सामने आया कि अप्रैल 2023 से मार्च 2024 के बीच दोनों कंपनियों ने चुनिंदा व्यक्तियों और संस्थाओं को 3.5 करोड़ से अधिक शेयर और कन्वर्टिबल वारंट जारी किए। जांच एजेंसी के मुताबिक, इन शेयरों के भुगतान में बड़ी रकम कुछ सीमित और आपस में जुड़े लोगों, कंपनियों और कर्जदाताओं के समूह से आई थी। इसके साथ ही आरोप है कि इसके बाद आने वाले महीनों में दोनों कंपनियों के शेयरों की कीमत लगातार बढ़ाई गई, जबकि अधिकांश शेयर उन्हीं लोगों के पास बने रहे।

‘Multibagger Stocks’ जैसे व्हाट्सऐप ग्रुप से निवेशकों को लुभाया

ED की जांच में यह भी सामने आया कि दिसंबर 2025 के अंत से फरवरी 2026 के बीच ‘Multibagger Stocks’ जैसे नामों वाले व्हाट्सऐप कम्युनिटी ग्रुप के जरिए इन दोनों शेयरों को खरीदने के लिए रोजाना टिप्स भेजे जा रहे थे। जांच एजेंसी के अनुसार, इन ग्रुपों के जरिए छोटे और खुदरा निवेशकों को शेयर खरीदने के लिए आकर्षित किया गया। इन ग्रुपों को चलाने के लिए हरियाणा और मुंबई में दूसरे लोगों के नाम पर लिए गए सिम कार्ड का इस्तेमाल किया गया, जबकि इनका संचालन गुजरात के भावनगर से किया जा रहा था।

ED के मुताबिक, इन संदेशों के बाद दोनों शेयरों में खरीदारों की संख्या करीब 3,400 से बढ़कर एक लाख से अधिक हो गई।

व्हाट्सऐप ग्रुप डिलीट होते ही शेयरों में भारी गिरावट

जांच के अनुसार, 25 फरवरी 2026 को इन व्हाट्सऐप ग्रुपों को अचानक डिलीट कर दिया गया। इसके बाद दोनों कंपनियों के शेयर लोअर सर्किट पर आ गए और कुछ ही दिनों में उनकी कीमत करीब 70 प्रतिशत तक गिर गई। इस घटनाक्रम के कारण एक लाख से अधिक छोटे निवेशकों को भारी नुकसान हुआ। कई निवेशक ऐसे शेयरों के साथ फंस गए, जिन्हें वे गिरती कीमतों के बीच बेच नहीं पा रहे थे।

कंपनियों के दफ्तर, प्रमोटरों के घर और ब्रोकिंग फर्मों पर छापे

ED ने जिन ठिकानों की तलाशी ली, उनमें दोनों कंपनियों के कार्यालय, उनके प्रमोटरों के आवास, कम कीमत पर शेयर पाने वाले लोगों के ठिकाने, स्टॉक-ब्रोकिंग और फाइनेंस कंपनियों के कार्यालय तथा कथित तौर पर प्रचार के लिए इस्तेमाल किए गए व्हाट्सऐप ग्रुपों के संचालन से जुड़े लोगों के परिसर शामिल हैं। छापेमारी के दौरान जांच एजेंसी ने कई आपत्तिजनक दस्तावेज, डिजिटल डिवाइस, शेयर लेनदेन से जुड़े रिकॉर्ड और संपत्तियों के दस्तावेज बरामद कर जब्त किए हैं।

ED मामले में मनी लॉन्ड्रिंग और शेयर बाजार में कथित हेरफेर से जुड़े वित्तीय लेनदेन की जांच कर रही है। मामले में आगे की जांच जारी है।

यह भी पढ़ें: देश के इस हिस्से में 22 अक्टूबर तक जारी रहेगा भारी बारिश का दौर, दिल्ली-यूपी और उत्तराखंड के लिए IMD ने दिया ये अलर्ट

देश के इस हिस्से में 22 अक्टूबर तक जारी रहेगा भारी बारिश का दौर, दिल्ली-यूपी और उत्तराखंड के लिए IMD ने दिया ये अलर्ट

Mausam Update: देश भर में दक्षिण-पश्चिम मानसून की पूरी तरह विदाई के बाद अब उत्तर-पूर्वी मानसून दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत में पूरी तरह रंग दिखाने लगा है। मौसमी प्रणालियों के काफी मजबूत होने की वजह से दक्षिण भारत के राज्यों में मूसलाधार बारिश का सिलसिला बना हुआ है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) द्वारा शुक्रवार 16 अक्टूबर 2026 को जारी मौसम बुलेटिन के मुताबिक दक्षिण भारत में भारी से बहुत भारी बारिश का यह दौर 22 अक्टूबर तक लगातार जारी रहने की संभावना है।

वहीं उत्तर-पश्चिम भारत में सक्रिय चक्रवाती परिसंचरणों की वजह से दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड और राजस्थान के कुछ इलाकों में आंधी-तूफान और गरज-चमक के साथ बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। पिछले 24 घंटों के दौरान तमिलनाडु और तटीय कर्नाटक में पृथक स्थानों पर बहुत भारी बारिश (12 से 20 सेमी) दर्ज की गई है जबकि छत्तीसगढ़, केरल और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में भारी बारिश (7 से 11 सेमी) रिकॉर्ड की गई।

दक्षिण भारत में 22 अक्टूबर तक भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी

दक्षिण प्रायद्वीप में मौसमी प्रणालियों की सक्रियता की वजर से बारिश की गतिविधियां बेहद तेज हैं। अभी देश में अलग-अलग चक्रवाती परिसंचरण बने हुए हैं। तटीय आंध्र प्रदेश से उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी तक एक ट्रफ रेखा भी गुजर रही है। इन मजबूत प्रणालियों के असर से दक्षिण भारत के अलग-अलग राज्यों में 22 अक्टूबर तक बारिश का प्रकोप बना रहेगा। तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराइकल में 16 से 20 अक्टूबर के दौरान मूसलाधार से बहुत भारी बारिश होने का अनुमान है, जबकि 21 और 22 अक्टूबर को भी भारी बारिश की गतिविधियां लगातार जारी रहेंगी।

केरल व माहे और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में 16 से 22 अक्टूबर तक लगातार भारी बारिश की संभावना है, जिसमें दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में 16 और 17 अक्टूबर को बहुत भारी बारिश दर्ज हो सकती है। तटीय कर्नाटक में 16 अक्टूबर को बहुत भारी बारिश और 17 से 19 अक्टूबर के बीच भारी वर्षा का अलर्ट है। तटीय आंध्र प्रदेश, यनम और रायलसीमा में 16 से 18 अक्टूबर के दौरान और लक्षद्वीप में 20 से 22 अक्टूबर के दौरान भारी बारिश होगी। इस दौरान तटीय आंध्र प्रदेश और रायलसीमा में तेज सतही हवाएं भी चलती रहेंगी।

इन दक्षिणी राज्यों में 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से तूफानी हवाएं चलने और आकाशीय बिजली चमकने की चेतावनी जारी की गई है।

दिल्ली-NCR, यूपी और उत्तराखंड में ओलावृष्टि और तेज आंधी का अलर्ट

उत्तर-पश्चिम भारत के मौसम पर नजर डालें तो उत्तरी पंजाब पर एक पश्चिमी विक्षोभ चक्रवाती परिसंचरण के रूप में मौजूद है। इसके अलावा दक्षिणी हरियाणा, उत्तरी राजस्थान और गुजरात-राजस्थान सीमा के पास निचले स्तरों पर चक्रवाती हवाओं के क्षेत्र बने हुए हैं। इन प्रणालियों के प्रभाव से आज 16 अक्टूबर को उत्तर भारत के मैदानी और पहाड़ी राज्यों में मौसम का मिजाज बदला हुआ रहेगा। मौसम विभाग ने आज पश्चिमी उत्तर प्रदेश में गरज-चमक के साथ ओलावृष्टि होने की गंभीर चेतावनी दी है। इसके साथ ही पश्चिमी उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के अलग-अलग इलाकों में आज 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे (झोंके 60 किमी/घंटे) की रफ्तार से तेज आंधी-तूफान चलने का अनुमान जताया गया है।

दिल्ली-एनसीआर, हरियाणा, चंडीगढ़, पूर्वी उत्तर प्रदेश, राजस्थान और हिमाचल प्रदेश के कुछ इलाकों में भी आज छिटपुट जगहों पर बादलों की गर्जना, बिजली कड़कने और झोंकेदार हवाओं के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है। जम्मू-कश्मीर और उत्तराखंड में 18 अक्टूबर तक और फिर 21-22 अक्टूबर को छिटपुट बारिश जारी रह सकती है।

मध्य, पूर्वी भारत और तटीय इलाकों का हाल

मौसम विभाग के मुताबिक देश के पश्चिमी, मध्य, पूर्वी और पूर्वोत्तर भारत के अधिकांश राज्यों में इस पूरे सप्ताह कोई विशेष या गंभीर मौसमी गतिविधि देखने को नहीं मिलेगी और यहां मौसम मुख्य रूप से सामान्य बना रहेगा।

वहीं तटीय इलाकों की बात करें तो कोंकण और गोवा के तटीय क्षेत्रों में आज 16 अक्टूबर को नमी और तापमान के असर से मौसम बेहद उमस भरा बना रहने का अनुमान जताया गया है।

यह भी पढ़ें: कल का मौसम: दक्षिण भारत के कई राज्यों भारी बारिश का अलर्ट, 60 kmph तक चलेंगी हवाएं, जानें दिल्ली-UP का भी हाल

कल का मौसम: दक्षिण भारत के कई राज्यों भारी बारिश का अलर्ट, 60 kmph तक चलेंगी हवाएं, जानें दिल्ली-UP का भी हाल

IMD Weather Alert: दक्षिण भारत के कई राज्यों में शनिवार को मौसम का मिजाज बदल सकता है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 17 अक्टूबर को तमिलनाडु, केरल, कर्नाटक और पुडुचेरी समेत कई इलाकों में बारिश का अनुमान जताया है। कुछ जगहों पर भारी बारिश के साथ गरज-चमक, बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने की भी आशंका है।

मौसम विभाग के मुताबिक, तमिलनाडु, पुडुचेरी, कराईकल, केरल, माहे और कर्नाटक के कुछ हिस्सों में भारी बारिश हो सकती है। ऐसे में इन इलाकों में रहने वाले लोगों को मौसम के अपडेट पर नजर रखने की सलाह दी जाती है।

कर्नाटक के उत्तरी आंतरिक हिस्सों में शनिवार से बारिश होने की संभावना है। वहीं, तटीय कर्नाटक और दक्षिणी आंतरिक कर्नाटक में भी बारिश का दौर जारी रह सकता है। इसके अलावा तेलंगाना में गरज-चमक, बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने का अनुमान है। यहां कुछ जगहों पर भारी बारिश रविवार, 18 अक्टूबर को हो सकती है।

उत्तर-पश्चिम भारत में हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में कुछ जगहों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। वहीं, मौसम विभाग (IMD) के पूर्वानुमान के मुताबिक, इस सप्ताह पश्चिम, मध्य, पूर्व और पूर्वोत्तर भारत में मौसम में किसी बड़े बदलाव की संभावना नहीं है।

शनिवार के लिए IMD का मौसम अलर्ट

मौसम विभाग ने बताया है कि तमिलनाडु, पुडुचेरी, कराईकल, केरल, माहे, लक्षद्वीप, दक्षिणी आंतरिक कर्नाटक और तटीय कर्नाटक में कई जगहों पर बारिश हो सकती है।

उत्तरी आंतरिक कर्नाटक में भी 17 से 20 अक्टूबर के बीच कई जगहों पर बारिश होने का अनुमान है। वहीं, रायलसीमा में 20 अक्टूबर तक बारिश हो सकती है। तेलंगाना में इस सप्ताह कुछ जगहों पर हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है।

शनिवार को तमिलनाडु, पुडुचेरी, कराईकल, केरल, माहे और दक्षिणी आंतरिक कर्नाटक में कुछ जगहों पर भारी बारिश हो सकती है। तटीय कर्नाटक में भी बारिश के दौरान कुछ इलाकों में तेज बारिश होने का अनुमान है।

इसके अलावा, तमिलनाडु, पुडुचेरी, कराईकल, उत्तरी आंतरिक कर्नाटक, तटीय आंध्र प्रदेश, यानम, रायलसीमा और तेलंगाना में गरज-चमक के साथ बिजली गिरने की आशंका है। इन इलाकों में तेज हवाएं भी चल सकती हैं।

केरल, माहे और लक्षद्वीप में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने का अनुमान है। इस दौरान हवा के झोंकों की रफ्तार 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है।

दिल्ली-NCR में कल कैसा रहेगा मौसम?

मौसम विभाग (IMD) के मुताबिक, शनिवार, 17 अक्टूबर को दिल्ली-NCR के लिए बारिश का कोई खास अलर्ट जारी नहीं किया गया है। हालांकि, 16 अक्टूबर को हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली में कुछ जगहों पर बारिश के साथ गरज-चमक, बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने का अनुमान है। 17 अक्टूबर के लिए ऐसी स्थिति का कोई स्पष्ट पूर्वानुमान नहीं दिया गया है।

यूपी में कल कैसा रहेगा मौसम?

उत्तर प्रदेश में शुक्रवार, 16 अक्टूबर को पूर्वी और पश्चिमी यूपी में कुछ जगहों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। हालांकि, शनिवार, 17 अक्टूबर के लिए राज्य में बारिश का कोई खास अलर्ट नहीं दिया गया है।

हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में मौसम का हाल

हिमाचल प्रदेश में शनिवार को कुछ जगहों पर बारिश होने की संभावना है। यहां 16 और 17 अक्टूबर को बारिश का दौर जारी रह सकता है।

वहीं, उत्तराखंड में भी शनिवार को कुछ जगहों पर बारिश हो सकती है। यहां 18 अक्टूबर तक बारिश का दौर जारी रहने का अनुमान है। मौसम विभाग ने 16 अक्टूबर को उत्तराखंड में गरज-चमक, बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने की आशंका जताई है। हालांकि, 17 अक्टूबर के लिए ऐसा कोई अलग अलर्ट नहीं दिया गया है।

पश्चिम, मध्य, पूर्व और पूर्वोत्तर भारत का पूर्वानुमान

मौसम विभाग (IMD) के मुताबिक, इस सप्ताह पश्चिम, मध्य, पूर्व और पूर्वोत्तर भारत में मौसम में किसी बड़े बदलाव की संभावना नहीं है। हालांकि, कोंकण और गोवा में 16 अक्टूबर को गर्म और उमस भरा मौसम रहने की चेतावनी दी गई है। शनिवार को भी ऐसी स्थिति बनी रहेगी या नहीं, इस बारे में मौसम विभाग ने कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी है।

दक्षिण भारत में कल कैसा रहेगा मौसम?

दक्षिण भारत के कई हिस्सों में शनिवार को बारिश का दौर जारी रहने का अनुमान है। तमिलनाडु, केरल और कर्नाटक में कुछ जगहों पर भारी बारिश हो सकती है। इसके अलावा, कई इलाकों में गरज-चमक के साथ बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने की भी आशंका है।

तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल: इन इलाकों में 16 से 19 अक्टूबर तक कई जगहों पर बारिश होने की संभावना है। वहीं, 17 से 22 अक्टूबर के बीच कुछ जगहों पर भारी बारिश हो सकती है। इस दौरान गरज-चमक के साथ बिजली गिरने और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का अनुमान है। हवा के झोंकों की रफ्तार 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है।

केरल और माहे: यहां 22 अक्टूबर तक कई जगहों पर बारिश होने की संभावना है। इस दौरान कुछ इलाकों में भारी बारिश भी हो सकती है। इसके अलावा, 17 से 19 अक्टूबर के बीच 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। हवा के झोंकों की रफ्तार 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने का अनुमान है।

कर्नाटक: तटीय कर्नाटक में 22 अक्टूबर तक कई जगहों पर बारिश होने की संभावना है। 16 और 17 अक्टूबर को कुछ इलाकों में भारी बारिश हो सकती है। वहीं, 18 अक्टूबर तक गरज-चमक के साथ बिजली गिरने का भी अनुमान है।

दक्षिणी आंतरिक कर्नाटक में भी 22 अक्टूबर तक बारिश का दौर जारी रह सकता है। यहां 17 से 22 अक्टूबर के बीच कुछ जगहों पर भारी बारिश होने की आशंका है। वहीं, उत्तरी आंतरिक कर्नाटक में 17 से 20 अक्टूबर तक कई जगहों पर बारिश हो सकती है। 17 अक्टूबर को यहां तेज हवाएं चलने का भी अनुमान है।

आंध्र प्रदेश और रायलसीमा: तटीय आंध्र प्रदेश और यानम में 17 अक्टूबर को कुछ जगहों पर बारिश हो सकती है। इसके बाद 18 से 20 अक्टूबर के बीच कई इलाकों में बारिश होने की संभावना है।

रायलसीमा में भी 20 अक्टूबर तक बारिश का दौर जारी रह सकता है। इन दोनों क्षेत्रों में गरज-चमक, बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने की आशंका है। तटीय आंध्र प्रदेश, यानम और रायलसीमा में 19 अक्टूबर तक तेज सतही हवाएं चलने का भी अनुमान है।

तेलंगाना: राज्य में 22 अक्टूबर तक कुछ जगहों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। इस दौरान गरज-चमक के साथ बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने की भी संभावना है। वहीं, रविवार, 18 अक्टूबर को कुछ इलाकों में भारी बारिश हो सकती है।

लक्षद्वीप: यहां 22 अक्टूबर तक कई जगहों पर बारिश होने की संभावना है। वहीं, 17 से 19 अक्टूबर के बीच 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। हवा के झोंकों की रफ्तार 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने का अनुमान है।

अगले कुछ दिनों में कैसा रहेगा मौसम?

मौसम विभाग (IMD) के मुताबिक, आने वाले दिनों में दक्षिण भारत के कई हिस्सों में बारिश का दौर जारी रह सकता है। तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में 22 अक्टूबर तक कुछ जगहों पर भारी बारिश होने की संभावना है। केरल और माहे में भी इस दौरान तेज बारिश हो सकती है।

दक्षिणी आंतरिक कर्नाटक में 17 से 22 अक्टूबर तक कुछ जगहों पर भारी बारिश का अनुमान है। वहीं, तटीय कर्नाटक में 17 अक्टूबर को भारी बारिश हो सकती है। उत्तरी आंतरिक कर्नाटक में 20 अक्टूबर तक कई जगहों पर बारिश होने की संभावना है।

इसके अलावा, तटीय आंध्र प्रदेश और यानम में 18 अक्टूबर से बारिश बढ़ सकती है। यहां 20 अक्टूबर तक कई इलाकों में बारिश होने का अनुमान है। वहीं, तेलंगाना में 18 अक्टूबर को कुछ जगहों पर भारी बारिश हो सकती है।

यह भी पढ़ें: Mausam update: उत्तर-पूर्वी मानसून का हैपी इंपैक्ट! कई राज्यों में भारी बारिश की चेतावनी, आज दिल्ली ये यूपी-उत्तराखंड तक थंडरस्टॉर्म

हिमाचल से हो गई ठंड की एंट्री, धौलाधार और मनाली की चोटियों पर सीजन की पहली बर्फबारी, IMD ने मौसम को लेकर दिया ये अलर्ट

शिमला (Shimla): हिमाचल प्रदेश (Himachal Pradesh) में विंटर सीजन ने तय समय से पहले दस्तक दे दी है। बुधवार को वेस्टर्न डिस्टर्बेंस के एक्टिव होने से धौलाधार रेंज, मनाली और लाहौल-स्पीति की ऊंची चोटियों पर सीजन की पहली बर्फबारी हुई है। इसका सीधा असर टूरिज्म और लोकल इकोनॉमी पर दिखने लगा है।

मौसम विभाग के मुताबिक, चंबा के सच पास में 1 फीट तक बर्फ गिरी है। सुराल में 3 इंच बर्फ रिकॉर्ड की गई है। बर्फबारी के बाद लाहौल पुलिस ने एहतियातन 3 बड़े हाईवे – रोहतांग से सरचू, दारचा से शिंकू ला और ग्राम्फू से बटल को बंद कर दिया है।

100 गाड़ियां फंसी, पुलिस ने किया रेस्क्यू

भारी बर्फबारी के कारण गोंदला के पास करीब 100 पर्यटक वाहन फंस गए थे, जिन्हें पुलिस ने देर रात रेस्क्यू ऑपरेशन चलाकर निकाला। लाहौल-स्पीति पुलिस ने पर्यटकों के लिए एडवाइजरी जारी की है कि बिना मौसम की जानकारी के हाई-एल्टीट्यूड एरिया में न जाएं।

धर्मशाला में बुधवार को न्यूनतम तापमान 6 डिग्री सेल्सियस तक लुढ़क गया। बर्फबारी के बाद धौलाधार का नजारा साफ हुआ तो बड़ी संख्या में लोग इसे देखने बाहर निकले। मनाली में भी ऊपरी इलाकों में बर्फ और निचले इलाकों में बारिश से ठंड बढ़ गई है।

टूरिज्म कारोबार को बूस्टर डोज की उम्मीद

हिमाचल होटल एसोसिएशन के मुताबिक, अक्टूबर में हुई इस पहली बर्फबारी से विंटर टूरिज्म को बड़ा फायदा होगा। पिछले साल अक्टूबर अंत तक बर्फ नहीं गिरी थी, जिससे बुकिंग 30% कम रही थी। इस बार अर्ली स्नोफॉल से दिवाली और क्रिसमस सीजन की एडवांस बुकिंग 20-25% बढ़ने की उम्मीद है।

IMD का लेटेस्ट अपडेट

मौसम विभाग (IMD) ने कहा है कि शुक्रवार तक राज्य के कई हिस्सों में हल्की बारिश का दौर जारी रहेगा। शनिवार से पूरे प्रदेश में मौसम साफ हो जाएगा और तापमान में और गिरावट आएगी। किसानों के लिए ये बर्फबारी सेब और गेहूं की फसल के लिए फायदेमंद मानी जा रही है।

Delhi Weather: बारिश के बाद राजधानी ने ली राहत की सांस, AQI सुधरकर 149 पर पहुंचा; तापमान में भी आई गिरावट

Delhi Weather: दिल्ली में बारिश ने लोगों को गर्मी से राहत देने के साथ-साथ हवा की सेहत में भी सुधार किया है। गुरुवार को हुई बारिश के बाद राजधानी का एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) घटकर 149 पर पहुंच गया। इससे पहले यानी बुधवार को यह 181 दर्ज किया गया था। बारिश के कारण दिन के तापमान में भी गिरावट आई। हालांकि, कई इलाकों में जलभराव और ट्रैफिक जाम ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी।

सेंट्रल पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड (CPCB) के अनुसार, सोमवार को दिल्ली का AQI कुछ समय के लिए सुधरकर 83 पर आ गया था, जो ‘संतोषजनक’ श्रेणी में आता है। हालांकि, बाद में यह फिर से मध्यम श्रेणी में आ गया और गुरुवार को गिरकर 149 पर पहुंच गया।

AQI के अलग-अलग स्तरों को इस तरह समझा जा सकता है:

0-50 के AQI को ‘अच्छा’, 51-100 को ‘संतोषजनक’, 101-200 को ‘मॉडरेट’ (मध्यम), 201-300 को ‘खराब’, 301-400 को ‘बहुत खराब’ और 401-500 को ‘गंभीर’ श्रेणी में रखा जाता है।

बारिश से मिली राहत, दिल्ली के AQI में सुधार

गुरुवार को दिल्ली के कई हिस्सों में बारिश होने से हवा की गुणवत्ता (एयर क्वालिटी) में सुधार आया है। बारिश के कारण तापमान में गिरावट भी आई है। सफदरजंग में अधिकतम तापमान 28.3°C दर्ज किया गया, जो सामान्य से लगभग पांच डिग्री कम है और बुधवार के तापमान के मुकाबले छह डिग्री कम है।

भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, सुबह 8:30 बजे से शाम 5:30 बजे के बीच सफदरजंग में 15.9 मिमी बारिश दर्ज की गई। लोधी रोड पर 20 मिमी, रिज में 25.2 मिमी, पालम में 11.2 मिमी और आयानगर में 7.2 मिमी बारिश हुई।

दिल्ली के अन्य मौसम केंद्रों पर भी अधिकतम तापमान सामान्य से कम दर्ज किया गया। पालम में अधिकतम तापमान 28.1 डिग्री सेल्सियस रहा, जबकि लोधी रोड में यह 27.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं, रिज में अधिकतम तापमान 27.4 डिग्री और आया नगर में 28.4 डिग्री सेल्सियस रहा।

दिन के तापमान में गिरावट के बावजूद, सभी पांचों मौसम केंद्रों पर न्यूनतम तापमान सामान्य से ऊपर बना रहा। सफदरजंग में न्यूनतम तापमान 23.3°C, लोधी रोड पर 22°C और अयानगर में 23.4°C दर्ज किया गया।

दिल्ली भर में जलभराव और ट्रैफिक जाम की खबरें

बारिश से जहां गर्मी से राहत मिली और हवा की गुणवत्ता में भी सुधार हुआ, वहीं कई जगहों पर जलभराव के कारण लोगों परेशानी उठानी पड़ी। साथ ही ट्रैफिक व्यवस्था बाधित भी हुई।

जलभराव की शिकायत जखीरा अंडरपास, आश्रम अंडरपास, इंद्रलोक और आजाद मार्केट को जोड़ने वाले अंडरपास, लाजपत नगर फ्लाईओवर और मुनिरका से मिली। वहीं, ITO, आश्रम, कालकाजी मंदिर, ग्रेटर कैलाश, मुनिरका, भैरों मार्ग अंडरपास और मथुरा रोड पर भी ट्रैफिक प्रभावित रहा।

यह भी पढ़ें: Southwest monsoon: 12% कम बारिश के साथ पूरी तरह वापस लौटा दक्षिण पश्चिम मॉनसून, 21 अक्टूबर तक उत्तर पूर्व मॉनसून फिर लाएगा बारिश

Southwest monsoon: 12% कम बारिश के साथ पूरी तरह वापस लौटा दक्षिण पश्चिम मॉनसून, 21 अक्टूबर तक उत्तर पूर्व मॉनसून फिर लाएगा बारिश

Southwest monsoon: भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने गुरुवार को कहा कि देश से दक्षिण पश्चिम मॉनसून पूरी तरह वापस चला गया है। मौसम एजेंसी ने इसी दिन दक्षिण भारत के कुछ हिस्सों में उत्तर पूर्वी मॉनसून के आने का भी ऐलान किया। आईएमडी के मुताबिक, उत्तर पूर्व मॉनसून की वजह से तमिलनाडु, पुडुचेरी, कराईकल, कोस्टल आंध्र प्रदेश, रायलसीमा, साउथ अंदरूनी कर्नाटक, केरल और माहे में बारिश हुई।

उत्तर पूर्व मॉनसून के आने के बाद 21 अक्टूबर तक दक्षिण प्रायद्वीप भारत के कई हिस्सों में भारी बारिश के साथ बारिश का अनुमान है। भारत में दो बड़े मॉनसून सिस्टम होते हैं, जून से सितंबर तक दक्षिण पश्चिम मॉनसून और अक्टूबर से दिसंबर तक उत्तर पूर्व मॉनसून रहता है, जिसे रिट्रीटिंग मॉनसून भी कहा जाता है।

दक्षिण पश्चिम मॉनसून को भारत की खेती और अर्थव्यवस्था के लिए बहुत जरूरी माना जाता है क्योंकि यह सीधे खरीफ फसल के मौसम को प्रभावित करता है। वहीं, उत्तर पूर्व मॉनसून कम आक्रामक होता है, लेकिन यह रबी फसल की पैदावार को सहयोग करने में, खासकर दक्षिण के राज्यों में, एक अहम रोल निभाता है।

आईएमडी ने कहा कि इस साल दक्षिण पश्चिम मॉनसून 759.4 mm बारिश के साथ खत्म हुआ, जो सामान्य औसत 868.6 mm से 12.6% कम था। एजेंसी ने बारिश में कमी के लिए ट्रॉपिकल प्रशांत महासागर में मौजूदा एल नीनो परिस्थिति को जिम्मेदार बताया। यह जून में सामने आया था और लगातार मजबूत होता जा रहा है।

एल नीनो मौसम का एक पैटर्न है जो पैसिफिक रीजन में समुद्र के तापमान और वातावरण परिस्थितियों में बदलाव से जुड़ा है। यह आमतौर पर भारत में मॉनसून की बारिश को कम करता है, जबकि इसका उल्टा फेज, ला नीना, अक्सर दुनिया का तापमान ठंडा करता है और बारिश के पैटर्न पर असर डाल सकता है।

वर्ल्ड मेटियोरोलॉजिकल ऑर्गनाइजेशन (WMO) समेत वैश्विक मौसम एजेंसियों ने अनुमान लगाया है कि मौजूदा एल नीनो प्रभाव दिसंबर 2026 में शिखर पर हो सकता है। यह 1950 में ऑब्जर्वेशन शुरू होने के बाद से अब तक का सबसे मजबूत रिकॉर्ड बन सकता है। ये हालात फरवरी 2027 तक जारी रहने की उम्मीद है।

बीएचयू में बन रहा ₹57.66 करोड़ का हाईटेक गर्ल्स हॉस्टल, 1200 छात्राओं को मिलेगा वाई-फाई, लिफ्ट और मिनी क्लिनिक का तोहफा

कल का मौसम 16 अक्टूबर: उत्तर-पूर्वी मानसून का असर! इन राज्यों में मूसलाधार बारिश का अलर्ट, दिल्ली-यूपी में थंडरस्टॉर्म

IMD Mausam Update: देश भर में दक्षिण-पश्चिम मानसून की पूरी तरह विदाई के बाद अब उत्तर-पूर्वी मानसून पूरी तरह सक्रिय हो गया है। इसके असर से दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत में मौसम का मिजाज बेहद आक्रामक हो गया है। इसके अलावा उत्तर-पश्चिम और मध्य भारत के कई हिस्सों में भी मौसमी प्रणालियों का मिलाजुला असर देखने को मिल रहा है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) द्वारा जारी ताजा मौसम बुलेटिन के मुताबिक 16 अक्टूबर को दक्षिण भारत के कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश का दौर चलेगा जबकि दिल्ली-एनसीआर और उत्तर प्रदेश समेत कई मैदानी इलाकों में गरज-चमक के साथ तेज हवाएं चलने की चेतावनी जारी की गई है।

आइए जानते हैं कल 16 अक्टूबर को देश के विभिन्न हिस्सों में कैसा रहेगा मौसम का हाल।

WhatsApp Image 2026-10-15 at 6.04.42 PM

दक्षिण भारत में उत्तर-पूर्वी मानसून का प्रकोप, मूसलाधार बारिश का अलर्ट

दक्षिण प्रायद्वीप में उत्तर-पूर्वी मानसून के जोर पकड़ने की वजह से बड़े पैमाने पर बारिश की गतिविधियां शुरू हो गई हैं। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, 16 अक्टूबर को दक्षिण आंतरिक कर्नाटक और तमिलनाडु, पुडुचेरी व कराइकल के अलग-अलग हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश होने की पूरी संभावना है। इसके अलावा आंध्र प्रदेश, तटीय कर्नाटक और केरल व माहे के अलग अलग जिलों में भी भारी बारिश दर्ज की जाएगी। दक्षिण भारत के इन तटीय और अंदरूनी हिस्सों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे (झोंके 60 किमी/घंटे) की गति से तेज तूफानी हवाएं चलेंगी और आकाशीय बिजली कड़केगी। लक्षद्वीप और उत्तरी आंतरिक कर्नाटक के कुछ इलाकों में भी झमाझम बौछारें पड़ने का अनुमान है जबकि तटीय आंध्र प्रदेश में दिन भर तेज सतही हवाएं चलती रहेंगी।

दिल्ली-NCR, उत्तर प्रदेश और राजस्थान में गरज-चमक के साथ आंधी का दौर

उत्तर-पश्चिम और मध्य भारत के मैदानी इलाकों में भी मौसमी हलचल बनी हुई है। मौसम विभाग के मुताबिक 16 अक्टूबर को दिल्ली, हरियाणा, चंडीगढ़ और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में बादलों की गरज और बिजली चमकने के साथ 30 से 40 किमी/घंटे (झोंके 50 किमी/घंटे) की गति से तेज झोंकेदार हवाएं चल सकती हैं। उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्रों में भी कल 40 से 50 किमी/घंटे की रफ्तार से आंधी चलने और हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। पूर्वी राजस्थान, मध्य प्रदेश और ओडिसा के कुछ हिस्सों में भी छिटपुट स्थानों पर गरज-चमक के साथ बौछारें गिरने का अनुमान जताया गया है।

मध्य, पूर्वी और पश्चिमी राज्यों का मौसम मिजाज

मध्य और पूर्वी भारत के छत्तीसगढ़, ओडिसा, मध्य प्रदेश और विदर्भ क्षेत्र में कल बादलों की आवाजाही के साथ-साथ कुछ स्थानों पर गरज-चमक और हल्की बारिश की गतिविधियां दर्ज की जा सकती हैं। पश्चिम भारत के तटीय इलाकों की बात करें तो कोंकण और गोवा तथा मध्य महाराष्ट्र और मराठवाड़ा के कुछ हिस्सों में कल आकाशीय बिजली चमकने के साथ छिटपुट बौछारें गिरने की संभावना है।

वहीं, कोंकण और गोवा के तटीय क्षेत्रों में नमी और तापमान के बने रहने के कारण लोगों को उमस भरी गर्मी का सामना करना पड़ेगा। राहत की बात यह है कि समुद्री इलाकों में स्थितियां नियंत्रण में हैं, जिसके चलते मौसम विभाग ने मछुआरों के लिए समुद्र में जाने को लेकर कोई चेतावनी जारी नहीं की है।

यह भी पढ़ें: कल का मौसम: इन 20 राज्यों में बदलेगा मौसम, बारिश के साथ 60 kmph की रफ्तार से चलेंगी तेज हवाएं

कल का मौसम: इन 20 राज्यों में बदलेगा मौसम, बारिश के साथ 60 kmph की रफ्तार से चलेंगी तेज हवाएं

Weather Tomorrow: अगर आप अगले कुछ दिनों में मौसम में बदलाव का इंतजार कर रहे हैं, तो देश के कई राज्यों में बारिश दस्तक दे सकती है। मौसम विभाग (IMD) के मुताबिक, 16 से 19 अक्टूबर के बीच कई इलाकों में बारिश, गरज-चमक और तेज हवाएं चलने की संभावना है। केरल, तमिलनाडु, कर्नाटक और आंध्र प्रदेश के कुछ हिस्सों में भारी बारिश हो सकती है। वहीं, मध्य, पूर्वी, उत्तर और पूर्वोत्तर भारत के कई राज्यों में भी बारिश देखने को मिल सकती है।

दिल्ली-NCR में कल कैसा रहेगा मौसम?

दिल्ली-NCR में आने वाले दिनों में हल्की बारिश होने का अनुमान है। इससे मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है।

उत्तर प्रदेश में कल कैसा रहेगा मौसम?

उत्तर प्रदेश के पूर्वी हिस्सों में 16 अक्टूबर को बारिश हो सकती है। मौसम विभाग के अनुसार, राज्य के कुछ इलाकों में सप्ताह के बाकी दिनों में भी बारिश का सिलसिला जारी रहने की संभावना है।

उत्तराखंड में कल कैसा रहेगा मौसम?

उत्तराखंड में 16 से 18 अक्टूबर के बीच बारिश होने के आसार हैं। कुछ जगहों पर गरज-चमक के साथ बिजली गिर सकती है। इस दौरान तेज हवाएं चलने की भी संभावना है।

जम्मू-कश्मीर में कल कैसा रहेगा मौसम?

जम्मू-कश्मीर के साथ लद्दाख, गिलगित-बाल्टिस्तान और मुजफ्फराबाद में भी मौसम बदल सकता है। इन इलाकों में कई जगहों पर बारिश होने का अनुमान है। यानी आने वाले दिनों में यहां के लोगों को बारिश का सामना करना पड़ सकता है।

हिमाचल प्रदेश में कल कैसा रहेगा मौसम?

हिमाचल प्रदेश में 16 अक्टूबर को कई जगहों पर बारिश होने की संभावना है। इस दौरान कुछ इलाकों में गरज-चमक के साथ बिजली भी गिर सकती है। मौसम विभाग के अनुसार, 17 अक्टूबर को भी कुछ जगहों पर हल्की से मध्यम बारिश का एक और दौर देखने को मिल सकता है।

राजस्थान में कल कैसा रहेगा मौसम?

राजस्थान के पूर्वी हिस्सों में 16 अक्टूबर को कुछ जगहों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। इस दौरान 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का अनुमान है। हवा के झोंकों की रफ्तार 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है।

मध्य प्रदेश में कल कैसा रहेगा मौसम?

मध्य प्रदेश में भी मौसम बदलने के आसार हैं। पश्चिमी मध्य प्रदेश में 16 अक्टूबर को बारिश हो सकती है। वहीं, पूर्वी मध्य प्रदेश में 16 से 18 अक्टूबर के बीच बारिश होने का अनुमान है।

छत्तीसगढ़ में कल कैसा रहेगा मौसम?

छत्तीसगढ़ में 16 से 18 अक्टूबर के बीच कुछ जगहों पर बारिश हो सकती है। मौसम विभाग के मुताबिक, इस दौरान राज्य के अलग-अलग इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है।

महाराष्ट्र में कल कैसा रहेगा मौसम?

महाराष्ट्र के कई इलाकों में अगले कुछ दिनों तक मौसम बदल सकता है। विदर्भ में 17 और 18 अक्टूबर को कुछ जगहों पर बारिश होने की संभावना है। वहीं, मुंबई और ठाणे में 17 और 18 अक्टूबर को हल्की से मध्यम बारिश या गरज के साथ बौछारें पड़ सकती हैं।

रत्नागिरी में 16 अक्टूबर को गर्मी का असर देखने को मिल सकता है। कुछ इलाकों में लू जैसी स्थिति भी बन सकती है। हालांकि, दोपहर या शाम के समय गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने के आसार हैं। 17 अक्टूबर को भी बारिश हो सकती है। वहीं, 18 अक्टूबर को कुछ जगहों पर बिजली गिरने और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है।

सिंधुदुर्ग में 16 अक्टूबर को गर्मी और उमस परेशान कर सकती है। दोपहर या शाम के समय हल्की बारिश या गरज के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। 17 और 18 अक्टूबर को कुछ जगहों पर गरज-चमक, बिजली गिरने और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का अनुमान है।

ओडिशा में कल कैसा रहेगा मौसम?

ओडिशा में 16 से 18 अक्टूबर के बीच कुछ जगहों पर बारिश हो सकती है। इस दौरान राज्य के अलग-अलग हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है।

पश्चिम बंगाल में कल कैसा रहेगा मौसम?

पश्चिम बंगाल के गंगा के मैदानी इलाकों में 16 से 18 अक्टूबर के बीच बारिश हो सकती है। वहीं, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल में भी इसी अवधि के दौरान बारिश होने का अनुमान है।

सिक्किम में कल कैसा रहेगा मौसम?

सिक्किम में 16 से 18 अक्टूबर के बीच बारिश होने की संभावना है। ऐसे में राज्य के कुछ हिस्सों में मौसम बदल सकता है।

बिहार में कल कैसा रहेगा मौसम?

बिहार में 16 से 18 अक्टूबर के बीच कुछ जगहों पर बारिश हो सकती है। मौसम विभाग के अनुसार, इस दौरान राज्य के अलग-अलग इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश होने के आसार हैं।

अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में कल कैसा रहेगा मौसम?

अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में शुरुआत में कई जगहों पर बारिश होने की संभावना है। इसके बाद 16 से 18 अक्टूबर के बीच कुछ इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है।

कल पूर्वोत्तर भारत का मौसम

16 से 18 अक्टूबर के बीच असम में कहीं-कहीं बारिश होने की संभावना है। इसी दौरान मेघालय में भी कुछ जगहों पर बारिश हो सकती है।

अरुणाचल प्रदेश में 16 से 17 अक्टूबर के बीच बारिश होने के आसार हैं।

16 अक्टूबर को नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में कहीं-कहीं बारिश हो सकती है। पूरे हफ्ते पूर्वोत्तर के कुछ हिस्सों में बारिश का दौर जारी रहने की उम्मीद है।

केरल में कल कैसा रहेगा मौसम?

केरल में अगले कुछ दिनों तक बारिश का दौर तेज हो सकता है। मौसम विभाग के अनुसार, 16 से 18 अक्टूबर के बीच केरल और माहे में कई जगहों पर बारिश होने की संभावना है। कुछ इलाकों में भारी बारिश भी हो सकती है।

16 अक्टूबर को गरज-चमक, बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने की चेतावनी दी गई है। शुक्रवार को उत्तरी केरल में बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं। इस दौरान कई इलाकों में तेज बारिश होने के आसार हैं।

केरल में दक्षिण-पश्चिम और उत्तर-पूर्व, दोनों मानसून के दौरान बारिश होती है। हालांकि, राज्य की सालाना बारिश में उत्तर-पूर्व मानसून का योगदान अपेक्षाकृत कम रहता है। उत्तर-पूर्व मानसून आमतौर पर अक्टूबर से दिसंबर तक सक्रिय रहता है। तमिलनाडु और दक्षिण भारत के आसपास के इलाकों के लिए यह मानसून काफी अहम है।

तमिलनाडु में कल कैसा रहेगा मौसम?

तमिलनाडु के साथ पुडुचेरी और कराईकल में भी 16 से 18 अक्टूबर के बीच बारिश हो सकती है। मौसम विभाग ने 16 अक्टूबर को गरज-चमक और बिजली गिरने की आशंका जताई है। वहीं, 16 से 18 अक्टूबर के दौरान कुछ जगहों पर भारी बारिश होने का अनुमान है।

कर्नाटक में अगले कुछ दिनों तक बारिश और तेज हवाओं का असर देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग के अनुसार, दक्षिणी आंतरिक कर्नाटक में 16 से 18 अक्टूबर के बीच कई जगहों पर बारिश होने की संभावना है। वहीं, तटीय और उत्तरी आंतरिक कर्नाटक में 16 अक्टूबर को कुछ इलाकों में बारिश हो सकती है। इसके बाद 17 और 18 अक्टूबर को कई जगहों पर बारिश का दौर तेज होने का अनुमान है।

उत्तरी आंतरिक कर्नाटक में 16 से 18 अक्टूबर के दौरान कुछ जगहों पर भारी बारिश हो सकती है। वहीं, तटीय कर्नाटक में 17 और 18 अक्टूबर को भारी बारिश की आशंका है। राज्य के कुछ हिस्सों में गरज-चमक, बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने की भी संभावना है।

दक्षिणी आंतरिक कर्नाटक में 16 से 18 अक्टूबर के बीच हवा की रफ्तार 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक रह सकती है। कुछ जगहों पर हवा के तेज झोंके 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकते हैं।

आंध्र प्रदेश में कल कैसा रहेगा मौसम?

तटीय आंध्र प्रदेश और यानम में 16 अक्टूबर को कुछ जगहों पर बारिश होने की संभावना है। इस दौरान तेज सतही हवाएं भी चल सकती हैं। मौसम विभाग के मुताबिक, 16 और 17 अक्टूबर को कुछ इलाकों में भारी बारिश होने का अनुमान है।

कल तेलंगाना का मौसम

16 से 18 अक्टूबर के बीच तेलंगाना में कहीं-कहीं बारिश होने की संभावना है। इस दौरान 30-40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं, जिनकी गति 50 किमी प्रति घंटे तक भी पहुंच सकती है।

कल रायलसीमा का मौसम

16 अक्टूबर को रायलसीमा में कुछ जगहों पर भारी बारिश हो सकती है।

अगले कुछ दिनों के लिए IMD का ताजा पूर्वानुमान

IMD के पूर्वानुमान के अनुसार, 16 से 19 अक्टूबर के बीच देश के कई हिस्सों में बारिश का दौर जारी रह सकता है। केरल, तमिलनाडु, कर्नाटक और आंध्र प्रदेश में कहीं-कहीं भारी बारिश हो सकती है, जबकि मध्य, पूर्वी, उत्तरी और पूर्वोत्तर भारत के कुछ हिस्सों में भी बारिश होने की संभावना है।

यह भी पढ़ें: UP Weather Update: यूपी में मौसम का डबल अटैक! 19 जिलों में ओलावृष्टि का खतरा, 60 KM की रफ्तार से चलेंगी हवाएं; किसानों को IMD का अलर्ट