Defence Stock: 40% तक क्रैश हो सकता है ये डिफेंस स्टॉक, कोटक ने दी तुरंत बेचने की सलाह

Defence Stock: डिफेंस और इंडस्ट्रियल एक्सप्लोसिव बनाने वाली कंपनी Solar Industries India के शेयर गुरुवार को शुरुआती बढ़त के बाद 3% ज्यादा गिरकर बंद हुए। कारोबार के दौरान यह दिन के हाई लेवल से 6% तक टूट गया था। इसकी वजह Kotak Institutional Equities की नई रिपोर्ट रही। ब्रोकरेज ने पहली बार कंपनी पर कवरेज शुरू करते हुए ‘Sell’ रेटिंग दी है।

Kotak ने शेयर के लिए 10,300 रुपये का टारगेट प्राइस रखा है। यह गुरुवार के बंद भाव के मुकाबले करीब 40.8% की संभावित गिरावट दिखाता है।

कंपनी की खूबियां भी गिनाईं

Kotak ने माना कि Solar Industries देश की सबसे बड़ी निजी इंडस्ट्रियल एक्सप्लोसिव बनाने वाली कंपनी है। साथ ही यह देश की सबसे तेजी से बढ़ती डिफेंस कंपनियों में भी शामिल है।

कंपनी सिर्फ विस्फोटक ही नहीं बनाती। इसके पोर्टफोलियो में इंडस्ट्रियल एक्सप्लोसिव, हाई-एनर्जी मैटेरियल, पिनाका रॉकेट सिस्टम, लोइटरिंग म्यूनिशन और गोला-बारूद जैसे कई डिफेंस प्रोडक्ट भी शामिल हैं।

ग्रोथ को लेकर क्या है अनुमान?

ब्रोकरेज का अनुमान है कि वित्त वर्ष 2026 से 2030 के बीच कंपनी का PAT (टैक्स के बाद मुनाफा) सालाना औसतन 28% (CAGR) की दर से बढ़ सकता है।

इसके पीछे कई वजहें हैं। डिफेंस कारोबार में करीब 35% CAGR की ग्रोथ का अनुमान है। वहीं, 10 देशों में फैले अंतरराष्ट्रीय कारोबार से 26% CAGR की उम्मीद है। इसके अलावा बिजनेस मिक्स बेहतर होने से कंपनी के मार्जिन में भी सुधार हो सकता है।

फिर ‘Sell’ रेटिंग क्यों दी?

इतनी मजबूत ग्रोथ का अनुमान होने के बावजूद Kotak ने शेयर खरीदने की सलाह नहीं दी। उनसे इसका कारण भी बताया है।

ब्रोकरेज का कहना है कि कंपनी की मौजूदा कीमत में भविष्य की ग्रोथ पहले ही शामिल हो चुकी है। अभी Solar Industries का शेयर वित्त वर्ष 2028 के अनुमानित मुनाफे के करीब 55 गुना वैल्यूएशन पर कारोबार कर रहा है। ऐसे में मौजूदा स्तर पर निवेशकों को जोखिम के मुकाबले आकर्षक रिटर्न मिलने की संभावना कम दिखती है।

कौन-कौन से जोखिम हैं?

Kotak ने कंपनी के सामने कुछ अहम चुनौतियों का भी जिक्र किया है। माइनिंग और इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर की मांग में उतार-चढ़ाव का असर कारोबार पर पड़ सकता है। सरकारी डिफेंस ऑर्डर एक साथ और अनियमित तरीके से मिलते हैं, इसलिए कमाई में भी उतार-चढ़ाव आ सकता है।

इसके अलावा एक्सप्लोसिव कारोबार से जुड़े नियामकीय नियम, MALE UAV और काउंटर-ड्रोन सिस्टम जैसी नई डिफेंस टेक्नोलॉजी में विस्तार से जुड़े जोखिम भी मौजूद हैं।

ब्रोकरेज ने यह भी कहा कि कंपनी के करीब 35% रेवेन्यू विदेशी बाजारों से आते हैं। वहीं, डिफेंस ऑर्डर बुक का भी बड़ा हिस्सा निर्यात पर निर्भर है। ऐसे में किसी भी भू-राजनीतिक तनाव का असर कंपनी के कारोबार पर पड़ सकता है।

सोलर इंडस्ट्रीज के शेयरों का हाल

सोलर इंडस्ट्रीज के शेयर गुरुवार को 3.26% की गिरावट के साथ 17,385 रुपये पर बंद हुए। पिछले 6 महीने में इसने 31.79% का रिटर्न दिया है। वहीं, 5 साल के दौरान इसने 980% का मल्टीबैगर रिटर्न दिया है। कंपनी का मार्केट कैप 1.57 लाख करोड़ रुपये है।

Stock Split: 5 साल में 1200% रिटर्न, अब 5 छोटे टुकड़ों में टूटेगा शेयर; 20 जुलाई है रिकॉर्ड डेट

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₹5 लाख करोड़ की बारिश, Sensex में लौटी तेजी, Nifty उछलकर 24135 पर बंद

Sensex-Nifty closes green: एक कारोबारी दिन पहले ढहते मार्केट में जब सेंसेक्स और निफ्टी 2% से अधिक टूटे थे तो विदेशी निवेशकों ने लगातार चौथे कारोबारी दिन ताबड़तोड़ खरीदारी की थी। आज इसका मार्केट पर पॉजिटिव असर दिखा। घरेलू इक्विटी बेंचमार्क इंडेक्स सेंसेक्स इंट्रा-डे में 800 प्वाइंट्स से अधिक उछल गया तो निफ्टी भी 24100 के पार चला गया। ब्रोडर लेवल पर भी आज मार्केट में अच्छी रौनक दिखी और निफ्टी मिडकैप 100 में 1% से अधिक तो निफ्टी स्मॉलकैप 100 में डेढ़ फीसदी से अधिक की तेजी आई।

इस माहौल में ओवरऑल आज BSE पर लिस्टेड कंपनियों का मार्केट कैप ₹5 लाख करोड़ से अधिक बढ़ गया यानी निवेशकों की दौलत में ₹5 लाख करोड़ से अधिक की तेजी आई है।

इक्विटी बेंचमार्क इंडेक्सेज की बात करें तो आज सेंसेक्स (Sensex) 238.22 प्वाइंट्स यानी 0.31% की बढ़त के साथ 76,741.82 और निफ्टी 50 (Nifty 50) भी 80.75 प्वाइंट्स यानी 0.34% की मजबूती के साथ 23,962.80 पर बंद हुआ है। इंट्रा-डे में सेंसेक्स 823.05 प्वाइंट्स उछलकर 77,326.65 और निफ्टी 252.65 प्वाइंट्स चढ़कर 24,134.70 तक आ गया था।

₹5.67 लाख करोड़ बढ़ी निवेशकों की दौलत

एक कारोबारी दिन पहले यानी 08 जुलाई 2026 को बीएसई पर लिस्टेड सभी शेयरों का कुल मार्केट कैप ₹4,70,67,521.74 करोड़ था। आज यानी 09 जुलाई 2026 को यह घटकर ₹4,76,34,922.98 करोड़ पर पहुंच गया। इसका मतलब हुआ कि निवेशकों की पूंजी में आज ₹5,67,401.242 करोड़ का इजाफा हुआ है।

Sensex के 20 शेयर ग्रीन

सेंसेक्स पर 30 शेयर लिस्टेड हैं जिसमें से 20 आज ग्रीन जोन में बंद हुए हैं। सबसे अधिक तेजी आज सन फार्मा, बजाज फिनसर्व और भारती एयरटेल में आई। वहीं दूसरी तरफ सबसे अधिक गिरावट आज मारुति, इंफोसिस और एनटीपीसी में रही। नीचे सेंसेक्स पर लिस्टेड सभी शेयरों के लेटेस्ट भाव और आज उतार-चढ़ाव की डिटेल्स देख सकते हैं-

sensex b1

111 शेयर एक साल के हाई पर

बीएसई पर आज 4416 शेयरों की ट्रेडिंग हुई। इसमें 2915 शेयर आज मजबूत हुए तो 1323 में गिरावट रही जबकि 178 में कोई बदलाव नहीं हुआ। इसके अलावा 111 शेयर एक साल के हाई और 79 शेयर एक साल के निचले स्तर पर आ गए।

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आज इन वजहों से मार्केट में छाई रौनक

डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

Market cues : 23800 का सपोर्ट टूटने पर निफ्टी में बढ़ सकती है गिरावट, ऊपर की तरफ 24000 पर होगा पहला रेजिस्टेंस

Trade setup for today : 8 जुलाई को कारोबार के आखिरी दौर में निफ्टी पर जबरदस्त बिकवाली का दबाव दिखा और यह 2 प्रतिशत से ज्यादा गिर गया। इसकी वजह तेल की कीमतों में उछाल और अमेरिका-ईरान के बीच फिर से बढ़े तनाव के कारण इंडिया VIX में आई तेजी थी। टेक्निकल इंडिकेटर भी मंदी की ओर इशारा कर रहे थे। इंडेक्स सभी अहम मूविंग एवरेज से नीचे आ गया और मोमेंटम इंडिकेटर में’बेयरिश क्रॉसओवर’देखने को मिला।

मार्केट एक्सपर्ट्स का कहना है कि अगर निफ्टी 23800 के सपोर्ट लेवल को तोड़ता है तो करेक्शन का दौर शुरू होने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता। 23,800 के नीचे,23,600-23,500 का जोन अहम होगा जिस पर नजर रखनी होगी। ऊपर की तरफ 24,000 का लेवल तत्काल रेजिस्टेंस का काम कर सकता है, और उसके बाद 24,200 का लेवल अगला अहम रेजिस्टेंस होगा।

यहां आपको कुछ ऐसे आंकड़े दे रहे हैं जिनके आधार पर आपको मुनाफे वाले सौदे पकड़ने में आसानी होगी।

Nifty के लिए की सपोर्ट और रजिस्टेंस लेवल

पिवट प्वांइट पर आधारित सपोर्ट : 23,807, 23,690 और 23,501

पिवट प्वांइट पर आधारित रजिस्टेंस : 24,185, 24,302 और 24,491

निफ्टी 50 ने डेली चार्ट पर एक लंबी बेयरिश कैंडल बनाई,जिससे इंडेक्स दो हफ्ते के निचले स्तर पर आ गया। एक ही सेशन में यह सभी अहम मूविंग एवरेज से नीचे गिर गया,जो यह संकेत देता है कि मंदड़ियों ने अपनी पकड़ मज़बूत कर ली है। रिलेटिव स्ट्रेंथ इंडेक्स (RSI) गिरकर 48.51 पर आ गया और इसमें बेयरिश क्रॉसओवर देखा गया,जबकि MACD लाइन के नीचे की ओर मुड़ने से MACD हिस्टोग्राम का हरा बार छोटा हो गया। ये सभी संकेत बेयरिश मोमेंटम के मजबूत होने का इशारा करते हैं।

बैंक निफ्टी

पिवट पॉइंट्स के आधार पर रेजिस्टेंस: 57,706, 58,066 और 58,649

पिवट पॉइंट्स के आधार पर सपोर्ट: 56,540, 56,179 और 55,596

फाइबोनैचि रिट्रेसमेंट के आधार पर रेजिस्टेंस: 57,215, 59,195

फाइबोनैचि रिट्रेसमेंट के आधार पर सपोर्ट: 56,465, 55,764

बैंक निफ्टी में 2.5 प्रतिशत की गिरावट आई और डेली टाइमफ्रेम पर एक लंबी’बेयरिश कैंडल’बनी। यह अपने शॉर्ट-टर्म मूविंग एवरेज से नीचे आ गया है और ये सभी एवरेज नीचे की ओर झुक गए हैं,जो काफी कमजोरी का संकेत है। हालांकि,इंडेक्स अपने मीडियम और लॉन्ग-टर्म मूविंग एवरेज से ऊपर बना हुआ है,जो जबरदस्त बिकवाली के दबाव के बावजूद एक पॉजिटिव संकेत है। इंडेक्स हाल की तेज़ी के 23.6 प्रतिशत फिबोनाची रिट्रेसमेंट लेवल से भी नीचे आ गया। RSI गिरकर 48.51 पर आ गया,जबकि MACD में बेयरिश क्रॉसओवर देखा गया और साथ ही हिस्टोग्राम की लाल बार्स का दायरा भी बढ़ा। ये सभी संकेत नीचे की ओर बढ़ते मोमेंटम की ओर इशारा करते हैं।

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एफआईआई और डीआईआई फंड फ्लो

8 जुलाई को विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) ने लगातार चौथे सेशन में खरीदारी जारी रखी और 1,962 करोड़ रुपये के भारतीय शेयर खरीदे। घरेलू संस्थागत निवेशकों (DIIs) ने भी एक दिन की बिकवाली के बाद खरीदारी की और 790 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे।

इंडिया VIX

मार्केट में उतार-चढ़ाव की उम्मीद को मापने वाला इंडिया VIX 26.04% बढ़कर 14.68 पर पहुंच गया। यह अप्रैल 2025 के बाद से इसमें एक दिन में हुई सबसे बड़ी बढ़त है। साथ ही,यह अपने शॉर्ट-टर्म मूविंग एवरेज से ऊपर चला गया है,जो तेजड़ियों के लिए चिंता का संकेत है। अगर यह 16 के लेवल से ऊपर जाता है,तो बुल्स पर दबाव और बढ़ सकता है।

पुट कॉल रेशियो

बाजार के मूड को दर्शाने वाला निफ्टी पुट-कॉल रेशियो 8 जुलाई को पिछले सेशन के 1.08 से गिरकर 0.81 पर आ गया। गौरतलब है कि 0.7 से ऊपर या 1 को पार पीसीआर का जाना आम तौर पर तेजी की भावना का संकेत माना जाता है। जबकि 0.7 से नीचे या 0.5 की ओर गिरने वाला अनुपात मंदी की भावना का संकेत होता है।

F&O बैन के अंतर्गत आने वाले स्टॉक

F&O सेगमेंट के अंतर्गत प्रतिबंधित प्रतिभूतियों में वे कंपनियां शामिल होती हैं, जिनके डेरिवेटिव अनुबंध मार्केट वाइड पोजीशन लिमिट के 95 फीसदी से ज्यादा हो जाती हैं।

एफएंडओ प्रतिबंध में नए शामिल स्टॉक:कोई नहीं

एफएंडओ प्रतिबंध में पहले से शामिल स्टॉक:कोई नहीं

एफएंडओ प्रतिबंध से हटाए गए स्टॉक:कोई नहीं

 

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Stocks to Watch: Sensex की एक्सपायरी पर ग्रीन शुरुआत! Vedanta, Infosys और Indigo समेत इन स्टॉक्स पर फोकस

Stocks to Watch: अधिक एशियाई बाजारों में रौनक के बीच आज गिफ्ट निफ्टी से घरेलू मार्केट में ग्रीन शुरुआत के संकेत मिल रहे हैं। गिफ्ट निफ्टी फिलहाल 99.00 प्वाइंट्स यानी 0.41% की गिरावट के साथ 23.977.00 पर है। चूंकि आज सेंसेक्स की वीकली एक्सपायरी है तो मार्केट में तेज हलचल दिख सकती है। एक कारोबारी दिन पहले 08 जुलाई को सेंसेक्स (Sensex) 1677.12 प्वाइंट्स यानी 2.15% की फिसलन के साथ 76,503.60 और निफ्टी 50 (Nifty 50) भी 516.65 प्वाइंट्स यानी 2.12% की गिरावट के साथ 23,882.04 पर बंद हुआ था। अब आज इंडिविजुअल स्टॉक्स की बात करें तो अपनी खास कॉरपोरेट एक्टिविटीज के चलते कुछ स्टॉक्स में तेज हलचल दिख सकती है। यहां इन शेयरों के बारे में डिटेल्स दी जा रही है।

Stocks to Watch: आज इन स्टॉक्स पर रहेगी नजर

Infosys

इन्फोसिस ने नॉर्वे के सबसे बड़े बैंक डीएनबी बैंक एएसए के साथ अपनी रणनीतिक साझेदारी बढ़ाने का ऐलान किया है। इसके तहत यह नाइस एक्टिमाइज एक्स-साइट एंटरप्राइज (NICE Actimize X-Sight Enterprise) प्लेटफॉर्म के जरिए बैंक के फाइनेंशियल क्राइम (FinCrime) ऑपरेशन्स को नए जमाने के हिसाब से बनाएगी।

Vedanta

ईडी ने ने वेदांता और इसकी सब्सिडियरी हिंदुस्तान जिंक के कुछ ऑफिसों का दौरा किया।

Bliss GVS Pharma

महाराष्ट्र के पालघर में स्थित ब्लिस जीवीएस फार्मा की मैन्युफैक्चरिंग यूनिट को डब्ल्यूएचओ से इंस्पेक्शन क्लोजर रिपोर्ट मिला है। इस यूनिट को डब्ल्यूएचओ ने GMP (गुड मैन्युफैक्चरिंग प्रैक्टिसेज) स्टैंडर्ड्स के पैमाने पर खरा पाया।

Dhanuka Agritech

धनुका एग्रीटेक का ₹70 करोड़ तक का शेयर बायबैक ऑफर 4 जून को खुलेगा। इस बायबैक ऑफर के तहत कंपनी ने प्रति शेयर ₹1,400 के भाव पर 5 लाख तक शेयर खरीदने का लक्ष्य रखा है।

Advait Energy Transitions

अद्वैत एनर्जी ट्रांजिशन्स की सब्सिडियरी अद्वैत बीईएसएस भेसान ने गुजरात ऊर्जा विकास निगम (GUVNL) के साथ बैटरी एनर्जी स्टोरेज परचेज एग्रीमेंट (BESPA) किया है। यह एग्रीमेंट 150 MW/300 MWh की कुल क्षमता वाले स्टैंडअलोन बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम (BESS) प्रोजेक्ट के डेवलपमेंट के लिए है।

John Cockerill India

जॉन कॉकरिल इंडिया को जेएसडब्ल्यू विजयनगर मेटालिक्स से एक सीआरएनओ प्रोजेक्ट के लिए ₹1,250-₹1,300 करोड़ का ऑर्डर मिला है।

Canara Bank

केनरा बैंक के बोर्ड ने अगले वित्त वर्ष 2027 के लिए बैंक को डेट इंस्ट्रूमेंट्स के जरिए ₹8,500 करोड़ तक जुटाने की मंजूरी दी है। बैंक की योजना बेसल III-कम्प्लायंट एडिशनल टियर-I बॉन्ड्स के जरिए ₹4,500 करोड़ और बेसल III-कम्प्लायंट टियर-II बॉन्ड्स के जरिए ₹4,000 करोड़ जुटाने की है।

Adani Ports and Special Economic Zone

अडानी पोर्ट्स ने मई 2026 में 48.3 MMT कार्गो वॉल्यूम हैंडल किया जो सालाना आधार पर 16% अधिक रहा इसे लिक्विड और कंटेनर्स से सपोर्ट मिला। मई 2026 में लॉजिस्टिक्स रेल वॉल्यूम 48,170 TEUs रहा, जो सालाना आधार पर 19% कम रहा।

InterGlobe Aviation (Indigo)

इंटरनेशनल एयरस्पेस में लगातार रुकावटों और लागत से जुड़ी चुनौतियों के चलते इंडिगो ने 31 अगस्त 2026 से मैनचेस्टर आने-जाने वाली अपनी फ्लाइट्स को कुछ समय के लिए बंद करने का ऐलान किया है। इस फैसले के बाद इंडिगो ने डैम्प/वेट लीज पर लिए गए छह बोइंग 787-9 ड्रीमलाइनर जहाजों में से एक नोर्स अटलांटिक एयरवेज को वापस करने की योजना बना रही है।

बल्क और ब्लॉक डील्स

Alkem Laboratories

प्रमोटर ग्रुप की जयंती सिन्हा ने अल्केम लैबोरेटरीज में अपनी पूरी 1.04% हिस्सेदारी (12.38 लाख शेयर) ₹643.87 करोड़ में बेच दी। इसके अलावा संप्रदा एंड ननहमती सिंह फैमिली ट्रस्ट ने 5.5 लाख शेयर ₹286 करोड़ में बेचे। ये लेन-देन प्रति शेयर ₹5,200 के भाव पर हुए। दूसरी तरफ प्रमोटर्स की बेची हुई हिस्सेदारी को नौ देशी-विदेशी निवेशकों- ICICI प्रूडेंशियल म्यूचुअल फंड, HDFC म्यूचुअल फंड, DSP म्यूचुअल फंड, BNP पारिबा आर्बिट्राज, सोसिएट जेनरल, निप्पॉन इंडिया म्यूचुअल फंड, मॉर्गन स्टेनली एशिया सिंगापुर, गोल्डमैन सैक्स बैंक यूरोप और एडलवाइस म्यूचुअल फंड ने खरीदा।

Neogen Chemicals

एक्सिस म्यूचुअल फंड ने नियोजेन केमिकल्स के 2.66 लाख शेयर ₹47.56 करोड़ में प्रति शेयर ₹1,788.01 के भाव पर बेचे।एक्सिस म्यूचुअल फंड ट्रस्टी के पास एक्सिस स्मॉल कैप फंड के ज़रिए 18 अप्रैल 2026 तक नियोजेन केमिकल्स में पहले से ही 5.59% हिस्सेदारी थी।

एक्स-डेट

आज अशोक लेलैंड, फोसेको इंडिया, मोनार्क सर्वेयर्स एंड इंजीनियरिंग कंसल्टेंट्स, नवनीत एजुकेशन और रेम्सन्स इंडस्ट्रीज के शेयर एक्स-डिविडेंड ट्रेड करेंगे तो आनंद राठी वेल्थ के बोनस और सर शादी लाल एंटरप्राइजेज के विलय की आज एक्स-डेट है।

F&O Ban

आज अंबर एंटरप्राइजेज इंडिया और कीन्स टेक्नोलॉजी इंडिया में एफएंडओ की नई पोजिशन नहीं ले पाएंगे।

स्टॉक मार्केट में आज की लाइव हलचल के लिए यहां जुड़ें

डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

FII DII Data: क्या रिटेल निवेशकों ने घबराकर बेच दिए शेयर? FII और DII ने मार्केट क्रैश में की ₹2753 करोड़ की खरीदारी

FII DII Data: पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव की वजह से बुधवार को भारतीय शेयर बाजार में भारी गिरावट दिखी। इसके बावजूद विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) ने भारतीय बाजार में लगातार चौथे कारोबारी सत्र में खरीदारी जारी रखी। एक्सचेंज के शुरुआती आंकड़ों के मुताबिक, 9 जुलाई को FIIs ने 1,962.80 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे।

वहीं, घरेलू संस्थागत निवेशक (DII) भी खरीदारी के मूड में रहे और उन्होंने 790.16 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे। यानी दोनों ने मिलकर 2,753 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे। ऐसे में बाजार की तेज गिरावट यह संकेत देती है कि अन्य निवेशक वर्गों, खासकर रिटेल निवेशकों की ओर से घबराहट में बिकवाली हुई होगी।

FII-DII ने कितना खरीदा, कितना बेचा

बुधवार के कारोबारी सत्र में FIIs ने कुल 17,463.95 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे और 15,501.15 करोड़ रुपये के शेयर बेचे। वहीं, DIIs ने 19,165.13 करोड़ रुपये की खरीदारी और 18,374.97 करोड़ रुपये की बिकवाली की।

एक दिन पहले यानी 8 जुलाई को भी FIIs ने 393.19 करोड़ रुपये की खरीदारी की थी। हालांकि, उस दिन DIIs 383.43 करोड़ रुपये के शेयर बेचकर नेट सेलर रहे थे।

इस हफ्ते कैसा रहा FII-DII का रुख?

इस सप्ताह अब तक FIIs लगातार चारों कारोबारी सत्र में खरीदार रहे हैं। वहीं, DIIs ने भी चार में से तीन सत्रों में खरीदारी की है। इससे साफ है कि बाजार में भारी उतार-चढ़ाव के बावजूद संस्थागत निवेशकों का भरोसा अभी बना हुआ है।

तारीखFII नेट फ्लोDII नेट फ्लो
9 जुलाई 2026₹1,962.80 करोड़₹790.16 करोड़
8 जुलाई 2026₹393.19 करोड़-₹383.43 करोड़
7 जुलाई 2026₹243.03 करोड़₹3,791.42 करोड़
6 जुलाई 2026₹1,355.33 करोड़-₹1,953.89 करोड़

भारी गिरावट के बावजूद जारी रही खरीदारी

विदेशी और घरेलू संस्थागत निवेशकों की खरीदारी के बावजूद बुधवार को भारतीय शेयर बाजार में जोरदार बिकवाली देखने को मिली। इसकी वजह अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का वह बयान रहा, जिसमें उन्होंने कहा कि ईरान के साथ हुआ शांति समझौता अब खत्म हो चुका है। इससे वैश्विक स्तर पर भू-राजनीतिक तनाव फिर बढ़ गया।

शेयर बाजार कितना गिरा

BSE Sensex 1,677 अंक टूटकर 76,504 पर बंद हुआ। वहीं, Nifty 50 517 अंक गिरकर 23,882 पर आ गया। इसके साथ ही निफ्टी 23,900 के अहम स्तर से नीचे फिसल गया।

बाजार में लगभग हर सेक्टर में बिकवाली रही। Nifty 50 के 50 में से 46 शेयर गिरावट के साथ बंद हुए। Nifty PSU Bank और Nifty Chemicals सबसे ज्यादा टूटने वाले सेक्टर रहे। वहीं, Nifty Bank 1,458 अंक गिरकर 56,743 और Nifty Midcap 963 अंक टूटकर 61,323 पर बंद हुआ।

रुपये पर भी बढ़ा दबाव

कच्चे तेल की कीमतों में तेजी और डॉलर की मजबूती का असर रुपये पर भी दिखा। भारतीय रुपया 59 पैसे कमजोर होकर डॉलर के मुकाबले 95.55 पर बंद हुआ। अमेरिका के ईरान पर नए हमलों और Hormuz Strait में बढ़े तनाव के बाद कच्चे तेल की कीमतों में उछाल आया, जिससे रुपये पर दबाव बढ़ा।

Stocks to Watch: 9 जुलाई को फोकस में रहेंगे ये 16 स्टॉक्स, दिख सकती है बड़ी हलचल

Disclaimer: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए सलाह या विचार एक्सपर्ट/ब्रोकरेज फर्म के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदायी नहीं है। यूजर्स को मनीकंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले हमेशा सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

GIFT Nifty Today: क्रैश के बाद 9 जुलाई को मार्केट में होगी रिकवरी? GIFT Nifty ने दिए तेजी के संकेत

GIFT Nifty Today: बुधवार को भारतीय शेयर बाजार में तीन महीने की सबसे बड़ी गिरावट के बाद गुरुवार के लिए राहत के संकेत मिल रहे हैं। GIFT Nifty शाम 6:30 बजे 119 अंक यानी 0.48% की बढ़त के साथ 23,992 पर कारोबार कर रहा था। इससे संकेत मिलता है कि 9 जुलाई को घरेलू बाजार की शुरुआत बढ़त के साथ हो सकती है।

बुधवार को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा था कि ईरान के साथ हुआ शांति समझौता अब खत्म हो चुका है। इसके बाद कच्चे तेल की कीमतों में तेज उछाल आया और दुनिया भर के शेयर बाजारों में बिकवाली देखने को मिली।

इसी दबाव में निफ्टी 50 2.12% टूटकर 23,882.05 पर बंद हुआ। वहीं सेंसेक्स 2.15% गिरकर 76,503.60 पर आ गया। यह दोनों इंडेक्स का तीन महीने में सबसे खराब कारोबारी सत्र रहा।

ग्लोबल मार्केट पर भी दिखा असर

ट्रंप के बयान के बाद अमेरिकी शेयर बाजार के फ्यूचर्स भी दबाव में आ गए। S&P 500 Futures करीब 0.8% गिर गए। वहीं ब्रेंट क्रूड करीब 5% उछलकर 78 डॉलर प्रति बैरल के आसपास पहुंच गया। हालांकि, सोने की कीमतों में गिरावट आई और डॉलर में उतार-चढ़ाव देखने को मिला।

निफ्टी के लिए अहम स्तर कौन से?

Religare Broking के एसवीपी (रिसर्च) अजीत मिश्रा के मुताबिक, निफ्टी अब 24,000-24,150 के अहम सपोर्ट जोन के नीचे फिसल चुका है। इससे निकट अवधि की तकनीकी तस्वीर कमजोर हुई है।

उन्होंने कहा कि अब 23,650-23,800 का स्तर अगला मजबूत सपोर्ट होगा। वहीं, अगर बाजार में रिकवरी आती है तो 24,150-24,300 के बीच मजबूत रेजिस्टेंस देखने को मिल सकता है।

उनका कहना है कि India VIX में तेज उछाल यह दिखाता है कि अगले कुछ दिनों तक बाजार में उतार-चढ़ाव बना रह सकता है। ऐसे में फिलहाल सतर्क रहने, चुनिंदा शेयरों में निवेश करने और सख्त जोखिम प्रबंधन अपनाने की जरूरत है।

Bajaj Broking ने क्या कहा?

Bajaj Broking के मुताबिक, निफ्टी ने बुधवार को बड़ा बेयरिश कैंडल बनाया। साथ ही हाल की पूरी तेजी भी गंवा दी। कारोबार के दौरान इंडेक्स 24,250 के सपोर्ट के नीचे फिसल गया और दिन में 23,800 तक पहुंच गया।

ब्रोकरेज का कहना है कि अगर निफ्टी 23,800 के नीचे बंद होता है, तो अगले कुछ सत्रों में यह 23,500-23,600 तक फिसल सकता है। हालांकि, अगर 23,800 का स्तर बचा रहता है, तो निफ्टी 23,800 से 24,350 के दायरे में कुछ समय तक कारोबार कर सकता है। फिलहाल 24,350 के नीचे बाजार का रुख कमजोर बना हुआ है।

Stock Market Crash: ट्रंप के बयान से तबाही! सिर्फ 40 मिनट में सेंसेक्स 1000 अंक टूटा; अब तीन फैक्टर पर मार्केट की नजर

Disclaimer: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए सलाह या विचार एक्सपर्ट/ब्रोकरेज फर्म के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदायी नहीं है। यूजर्स को मनीकंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले हमेशा सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

शेयर बाजारों की 9 जुलाई को कैसी रहेगी चाल? Nifty के लिए ये सबसे अहम लेवल होंगे

शेयर बाजार के प्रमुख सूचकांकों निफ्टी और सेंसेक्स में 8 जुलाई को बीते तीन महीनों में एक दिन में सबसे बड़ी गिरावट आई। इसकी वजह अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का ऐलान है, जिसमें उन्होंने कहा कि ईरान के साथ सीजफायर खत्म हो गया है। इस खबर से सेंसेक्स 2.15 फीसदी यानी 1677 अंक गिरकर 76,503 पर बंद हुआ। निफ्टी 2.12 फीसदी यानी 516 अंक फिसलकर 23,882 पर क्लोज हुआ। सवाल है कि 9 जुलाई को कैसी रहेगी बाजार की चाल?

निफ्टी 24000-24150 के सपोर्ट जोन से नीचे

रेलिगेयर ब्रोकिंग में एसवीपी अजीत मिश्रा ने कहा कि निफ्टी 24000-24,150 के अपने सपोर्ट जोन से नीचे आ गया है। यह अपने प्रमुख मूविंग एवरेजेज से भी नीचे हैं। इससे शॉर्ट टर्म में इसका टेक्निकल स्ट्रक्चर कमजोर लगता है। उन्होंने कहा, “अगला सपोर्ट 23,650-23,800 जोन में है। तेजी की स्थिति में निफ्टी को 24,150-24,300 जोन में रेसिस्टेंस का सामना करना पड़ेगा।”

इंडिया वीआईएक्स में 26 फीसदी उछाल

उन्होंने कहा कि इंडिया वीआईएक्स में 26 फीसदी उछाल आया है। यह इस बात का संकेत है कि आगे मार्केट में काफी उतार-चढ़ाव दिख सकता है। उधर, एसबीआई सिक्योरिटीज में टेक्निकल और डेरिवेटिव्स रिसर्च के हेड सुदीप शाह ने कहा कि निफ्टी के लिए अगला सपोर्ट 23,780-23,750 जोन में है। इस लेवल से गिरने के बाद निफ्टी 23,600 के लेवल तक जा सकता है। तेजी की स्थिति में इसके लिए 24.020-24,050 पर रेसिस्टेंस है।

23800 के सपोर्ट लेवल पर होंगी नजरें

एलकेपी सिक्योरिटीज में सीनियर टेक्निकल एनालिस्ट रूपक डे ने कहा कि यह देखना अहम होगा कि निफ्टी 23,800 के सपोर्ट लेवल को तोड़ता है या नहीं। अगर यह इस लेवल को निर्णायक रूप से तोड़ देता है तो करेक्शन का फेज जारी रह सकता है। इस लेवल से ऊपर बने रहने पर शॉर्ट टर्म में अच्छी रिकवरी दिख सकती है। ट्रेडर्स और इनवेस्टर्स की नजरें 9 जुलाई को निफ्टी के लेवल पर होंगी। इस बीच, गिफ्टी निफ्टी में रिकवरी दिखी है। इसका मतलब है कि 9 जुलाई को बाजार में कारोबार की शुरुआत पॉजिटिव रह सकती है।

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बाजार का सेंटिमेंट काफी कमजोर

बुधवार को बाजार के करीब सभी सूचकांकों पर दबाव देखने को मिला। सबसे ज्यादा गिरावट एफएमसीजी, फाइनेंशियल और बैंकिंग शेयरों पर दिखा। मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भी गिरावट आई। इससे यह संकेत मिलता है कि अचानक बाजार का सेंटीमेंट कमजोर हो गया है। एक्सपर्ट्स का कहना है कि अभी बाजार में सावधानी बरतना जरूरी है।

Stock Market Crash: ट्रंप के बयान से तबाही! सिर्फ 40 मिनट में सेंसेक्स 1000 अंक टूटा; अब तीन फैक्टर पर मार्केट की नजर

Stock Market Crash: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के एक बयान ने बुधवार को दुनिया भर के बाजारों में भारी गिरावट (why market is down today) ला दी। ट्रंप ने कहा कि ईरान के साथ हुआ सीजफायर अब खत्म हो चुका है। इसके बाद भारतीय शेयर बाजार में भी जोरदार बिकवाली शुरू हो गई। महज 40 मिनट में सेंसेक्स 1,000 अंक से ज्यादा टूट गया। वहीं, बाजार में डर का पैमाना माने जाने वाला India VIX 27% उछल गया।

दोपहर 1:40 बजे सेंसेक्स 77,603.90 पर कारोबार कर रहा था। अगले 40 मिनट में यह करीब 1,076 अंक लुढ़ककर 76,527.81 पर आ गया। कारोबार के अंत में सेंसेक्स 1,677.12 अंक यानी 2.15% टूटकर 76,503.60 पर बंद हुआ। वहीं, निफ्टी 516.65 अंक यानी 2.12% गिरकर 23,882.05 पर बंद हुआ। बाजार में चौतरफा बिकवाली रही। करीब 3,095 शेयर गिरे, जबकि सिर्फ 1,000 शेयर बढ़त के साथ बंद हुए।

ट्रंप ने ईरान सीजफायर पर क्या कहा?

ट्रंप ने कहा कि ईरान के साथ अंतरिम शांति समझौता अब खत्म हो चुका है। उन्होंने साफ कहा कि अब वह ईरान के साथ कोई समझौता नहीं करना चाहते। उन्होंने ईरानी नेताओं पर भी तीखा हमला बोला। ट्रंप ने कहा कि अगर ईरान के पास परमाणु हथियार हुए, तो वह उनका इस्तेमाल करने से नहीं हिचकेगा।

हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि उनके प्रतिनिधि ईरान से बातचीत जारी रखेंगे। लेकिन उन्हें नहीं लगता कि उससे कोई नतीजा निकलेगा।

तनाव अचानक क्यों बढ़ गया?

ट्रंप का बयान ऐसे समय आया है, जब अमेरिका ने ईरान पर फिर से हवाई हमले किए हैं। साथ ही अमेरिका ने वह छूट भी खत्म कर दी है, जिसके तहत ईरान वैश्विक बाजार में तेल बेच रहा था।

इसके जवाब में ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने दावा किया कि उसने बहरीन और कुवैत में अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया है। ईरान ने एक अमेरिकी MQ-9 Reaper ड्रोन मार गिराने का भी दावा किया है।

इसके बाद बहरीन और कुवैत में एयर रेड सायरन बजने लगे। कुवैत की सेना ने कहा कि उसकी एयर डिफेंस सिस्टम दुश्मन के हमलों का जवाब दे रही है। हालांकि, अमेरिकी सेना की ओर से अभी कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है।

बाजार गिरने के अन्य 6 बड़े वजह

कच्चे तेल में तेज उछाल: अमेरिका-ईरान तनाव बढ़ने के बाद ब्रेंट क्रूड 6% उछलकर 76 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गया। भारत अपनी जरूरत का ज्यादातर कच्चा तेल आयात करता है, इसलिए महंगा तेल बाजार के लिए चिंता की बात है।

FII निवेश पर अनिश्चितता: Geojit Investments के चीफ इन्वेस्टमेंट स्ट्रैटेजिस्ट डॉ. वी.के. विजयकुमार के मुताबिक, हाल में FII की खरीदारी से बाजार मजबूत हो रहा था। लेकिन अमेरिका-ईरान तनाव ने इस सकारात्मक माहौल पर फिलहाल सवाल खड़े कर दिए हैं।

FII खरीदारी बनी हुई है: पिछले तीन कारोबारी सत्र में FIIs ने करीब 1,991 करोड़ रुपये की खरीदारी की है। हालांकि रकम बड़ी नहीं है, लेकिन लगातार खरीदारी को बाजार के लिए सकारात्मक संकेत माना जा रहा है।

टेक्निकल संकेत अभी कमजोर: SBI Securities के सुदीप शाह के मुताबिक, निफ्टी के लिए 24,120-24,140 का स्तर अहम सपोर्ट है। अगर यह टूटता है, तो अगला सपोर्ट 23,970-23,990 के बीच होगा। वहीं 24,370-24,390 के ऊपर निकलने पर तेजी फिर लौट सकती है।

ज्यादातर सेक्टरों में बिकवाली: फाइनेंशियल सर्विसेज, FMCG, ऑटो और हेल्थकेयर सेक्टर के शेयरों में सबसे ज्यादा दबाव देखने को मिला। इससे बाजार की गिरावट और बढ़ गई।

बड़े शेयरों में भारी कमजोरी: मारुति सुजुकी में 3% से ज्यादा गिरावट आई। इसके अलावा IndiGo, Hindustan Unilever, UltraTech Cement और Bharat Electronics जैसे हैवीवेट शेयर भी दबाव में रहे।

India VIX में तेज उछाल: बाजार में डर का पैमाना माने जाने वाला India VIX इंट्राडे कारोबार में 23% से ज्यादा उछलकर 14.33 पर पहुंच गया। VIX में तेज बढ़त आमतौर पर आने वाले दिनों में ज्यादा उतार-चढ़ाव का संकेत देती है।

बाजार में गिरावट पर एक्सपर्ट की राय

Geojit Investments के हेड ऑफ रिसर्च विनोद नायर का कहना है कि पश्चिम एशिया में फिर बढ़े तनाव ने भारतीय शेयर बाजार का माहौल पूरी तरह बदल दिया। कच्चे तेल की कीमतों में तेजी आने से महंगाई की चिंता फिर बढ़ गई है। इसका असर भारत और अमेरिका दोनों देशों के बॉन्ड यील्ड पर भी देखने को मिला।

उनके मुताबिक, India VIX में तेज उछाल यह दिखाता है कि निवेशकों के बीच डर बढ़ गया है। यही वजह रही कि लगभग सभी सेक्टरों में बिकवाली देखने को मिली। इसके साथ ही पहली तिमाही (Q1) के कमजोर नतीजों की आशंका ने भी बाजार पर दबाव बढ़ाया।

तीन फैक्टर तय करेंगे बाजार की चाल

विनोद नायर का कहना है कि सिर्फ कंपनियों के नतीजे ही बाजार की दिशा तय नहीं करेंगे। निवेशकों की नजर मैनेजमेंट की कमेंट्री और भविष्य ग्रोथके आउटलुक पर भी रहेगी। इससे पता चलेगा कि कमाई में कमजोरी दूसरी तिमाही (Q2) तक बनी रहती है या नहीं।

उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में बाजार की चाल तीन बड़े फैक्टर्स पर निर्भर करेगी। पहला, अमेरिकी फेडरल रिजर्व की जुलाई की मौद्रिक नीति। दूसरा, अमेरिका के रेसिप्रोकल टैरिफ ट्रूस की अवधि खत्म होने का असर। और तीसरा, पश्चिम एशिया में तनाव बढ़ता है या कम होता है, क्योंकि यही आगे बाजार की दिशा तय करेगा।

ट्रंप ने खत्म किया सीजफायर! अब तेल, सोना और चांदी पर क्या होगा असर; जानिए एक्सपर्ट्स से

Disclaimer: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए सलाह या विचार एक्सपर्ट/ब्रोकरेज फर्म के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदायी नहीं है। यूजर्स को मनीकंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले हमेशा सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

₹7 लाख करोड़ स्वाहा, Sensex में 1677 अंकों की गिरावट, Nifty भी 23900 के नीचे बंद

Sensex-Nifty closes deep red: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के साथ सीजफायर खत्म होने का ऐलान किया तो घरेलू मार्केट में कोहराम मच गया। इक्विटी बेंचमार्क इंडेक्सेज- सेंसेक्स और निफ्टी 50 धड़ाम हो गए। सेंसेक्स इंट्रा-डे में 1900 प्वाइंट्स से अधिक टूट गया तो निफ्टी भी 24800 के एकदम करीब आ गया। ब्रोडर लेवल पर भी मार्केट में बिकवाली का तेज दबाव दिखा। निफ्टी मिडकैप 100 में डेढ़ फीसदी से अधिक तो निफ्टी स्मॉलकैप 100 में 2% से अधिक की गिरावट आई।

सेक्टरवाइज आज सभी सेक्टर के निफ्टी इंडेक्स लाल रहे। हालांकि सबसे अधिक दबाव बैंकिंग और एफएमसीजी स्टॉक्स ने डाला। पीएसयू और प्राइवेट बैंकों के निफ्टी इंडेक्स ढाई फीसदी से अधिक टूट गए तो निफ्टी एफएमसीजी भी करीब ढाई फीसदी नीचे आ गया। ऑटो सेक्टर का निफ्टी इंडेक्स 2% से अधिक टूटा तो निफ्टी आईटी भी 1% से अधिक कमजोर हुआ है। बिकवाली के इस माहौल में ओवरऑल आज BSE पर लिस्टेड कंपनियों का मार्केट कैप ₹7 लाख करोड़ से अधिक घट गया यानी निवेशकों की दौलत में ₹7 लाख करोड़ से अधिक की गिरावट आई है।

इक्विटी बेंचमार्क इंडेक्सेज की बात करें तो आज सेंसेक्स (Sensex) 1677.12 प्वाइंट्स यानी 2.15% की फिसलन के साथ 76,503.60 और निफ्टी 50 (Nifty 50) भी 516.65 प्वाइंट्स यानी 2.12% की गिरावट के साथ 23,882.04 पर बंद हुआ है। इंट्रा-डे में सेंसेक्स 1921.69 प्वाइंट्स टूटकर 76,259.03 तक और निफ्टी 593.55 प्वाइंट्स गिरकर 23,805.20 तक आ गया था।

निवेशकों के ₹7.89 लाख करोड़ स्वाहा

एक कारोबारी दिन पहले यानी 07 जुलाई 2026 को बीएसई पर लिस्टेड सभी शेयरों का कुल मार्केट कैप ₹4,79,67,747.45 करोड़ था। आज यानी 08 जुलाई 2026 को यह घटकर ₹4,71,78,619.13 करोड़ रह गया। इसका मतलब हुआ कि निवेशकों की पूंजी में आज ₹7,89,128.32 करोड़ की गिरावट आई है।

Sensex के सभी शेयर लाल

सेंसेक्स पर 30 शेयर लिस्टेड हैं जिसमें आज कोई भी ग्रीन जोन में नहीं बंद हुआ है। सबसे अधिक गिरावट इंडिगो,मारुति और एचयूएल में रही। नीचे सेंसेक्स पर लिस्टेड सभी शेयरों के लेटेस्ट भाव और आज उतार-चढ़ाव की डिटेल्स देख सकते हैं-

sensex a1

116 शेयर एक साल के हाई पर

बीएसई पर आज 4454 शेयरों की ट्रेडिंग हुई। इसमें 1093 शेयर आज मजबूत हुए तो 3186 में गिरावट रही जबकि 175 में कोई बदलाव नहीं हुआ। इसके अलावा 116 शेयर एक साल के हाई और 104 शेयर एक साल के निचले स्तर पर आ गए।

(यह स्टोरी अभी अपडेट हो रही है)

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डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

Stocks to Watch: Knack Packaging की लिस्टिंग; Indigo, HCL, SpiceJet समेत इन स्टॉक्स पर भी रहेगा फोकस

Stocks to Watch: एशियाई बाजारों से मिले-जुले रुझानों के बीच आज गिफ्ट निफ्टी से घरेलू मार्केट में लाल शुरुआत के संकेत मिल रहे हैं। गिफ्ट निफ्टी फिलहाल 140.50 प्वाइंट्स यानी 0.58% की गिरावट के साथ 24,243.00 पर है। एक कारोबारी दिन पहले 07 जुलाई को निफ्टी की वीकली एक्सपायरी के दिन सेंसेक्स (Sensex) 104.35 प्वाइंट्स यानी 0.13% की फिसलन के साथ 78,180.72 और निफ्टी 50 (Nifty 50) भी 31.65 प्वाइंट्स यानी 0.13% की गिरावट के साथ 24,398.70 पर बंद हुआ था। अब आज इंडिविजुअल स्टॉक्स की बात करें तो अपनी खास कॉरपोरेट एक्टिविटीज के चलते कुछ स्टॉक्स में तेज हलचल दिख सकती है। यहां इन शेयरों के बारे में डिटेल्स दी जा रही है।

Stocks to Watch: आज इन स्टॉक्स पर रहेगी नजर

Embassy Developments Q1 (YoY)

जून 2026 तिमाही में एंबेसी डेवलपमेंट्स की प्री-सेल्स सालाना आधार पर 338% बढ़कर ₹868 करोड़ और कलेक्शंस 54% उछलकर ₹496 करोड़ पर पहुंच गया।

IndiGo, SpiceJet

मई महीने में में मासिक आधार पर इंडिगो का मार्केट शेयर 65% से गिरकर 64.9% पर आ गया और पैसेंजर लोड फैक्टर 82.7% से उछलकर 86.4% पर पहुंच गया तो स्पाइसजेट का भी मार्केट शेयर 3.4% से गिरकर 2.5% पर आ गया और पैसेंजर लोड फैक्टर 80.7% से 87.4% पर पहुंच गया।

Axis Bank

आरबीआई ने एक्सिस बैंक के नॉन-एग्जीक्यूटिव (पार्ट-टाइम) चेयरमैन के तौर पर एनएस विश्वनाथन की दोबारा नियुक्ति को मंज़ूरी दे दी है।

Ganesh Infraworld

गणेश इन्फ्रावर्ल्ड की सब्सिडियरी टाइकून माइन्स जीके को ₹100 करोड़ का सब-कॉन्ट्रैक्ट मिला है। इस प्रोजेक्ट नौ महीनों में काम पूरा करना है और कंपनी को उम्मीद है कि चालू वित्त वर्ष में इससे रेवेन्यू मिलेगा।

IdeaForge Technology

आइडियाफोर्ज टेक्नोलॉजी ने 7 जुलाई को अपना क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशंस प्लेसमेंट (QIP) इश्यू लॉन्च किया और फ्लोर प्राइस प्रति शेयर ₹835.86 तय किया। कंपनी इस फ्लोर प्राइस पर 5% तक की छूट दे सकती है।

Orchid Pharma

ऑर्किड फार्मा ने एक नए कॉम्बिनेशन एंटीबायोटिक Exblifep (सेफेपाइम/एनमेटाजोबैक्टम) के लिए Pharmasyntez JSC के साथ एक लाइसेंसिंग और सप्लाई एग्रीमेंट किया है। इसका इस्तेमाल यूरिनरी ट्रैक्ट इन्फेक्शन और अस्पताल में होने वाले या वेंटिलेटर से जुड़े बैक्टीरियल निमोनिया (HAP/VAP) के इलाज में होगा।

HCL Technologies

एचसीएल सॉफ्टवेयर के डेटा और एआई डिवीजन Actian ने जैस्परसॉफ्ट की एम्बेडेड एनालिटिक्स और रिपोर्टिंग कैपेबिलिटीज को अपने डेटा मैनेजमेंट पोर्टफोलियो में मिल लिया है। इससे पहले एचसीएल सॉफ्टवेयर ने जैस्परसॉफ्ट को खरीदा था।

Uno Minda

ऊनो मिंडा ने चार पहिया पैसेंजर गाड़ियों के लिए सीटिंग सिस्टम सेगमेंट में रणनीतिक विस्तार का ऐलान किया है। इसे लेकर कंपनी के बोर्ड ने महाराष्ट्र के छत्रपति संभाजीनगर में एक नई मैन्युफैक्चरिंग यूनिट (ग्रीनफील्ड फैसिलिटी) लगाने को मंजूरी दी है। इस पर करीब ₹320 करोड़ का कैपेक्स हो सकता है और इसके वित्त वर्ष 2028 की चौथी तिमाही तक चालू होने की उम्मीद है।

Silver Touch Technologies

सिल्वर टच टेक्नोलॉजीज को राइट्स से एआई से लैस डीपीआर (डिटेल्ड प्रोजेक्ट रिपोर्ट) अप्रेजल और इंटेलिजेंस प्लेटफॉर्म परख के डिजाइन, डेवलपमेंट और इम्प्लीमेंटेशन का ऑर्डर मिला है। सिल्वर टच इस एआई प्लेटफॉर्म को देश के बड़े-बड़े इंफ्रा प्रोजेक्ट्स जैसे कि रेलवे, हाईवे, पुल, बंदरगाह, एयरपोर्ट, मेट्रो प्रोजेक्ट और सुरंग इत्यादि के वैल्यूएशन के लिए क्षमता से लैस करेगी।

EMS

दिल्ली जल बोर्ड के सीवरेज प्रोजेक्ट के लिए ईएमएस ने सबसे कम बोली लगाई है। इस ऑर्डर करीब ₹158.28 करोड़ का है।

3i Infotech

3आई इंफोटेक की सब्सिडियरी 3आई इंफोटेक सॉफ्टवेयर सॉल्यूशंस को यूएई की वेदांत कंसल्टेंसी एफजेड एलएलसी से 1.765 करोड़ ऑस्ट्रेलियाई डॉलर का ऑर्डर मिला है। यह ऑर्डर रोबोटिक प्रोसेस ऑटोमेशन (RPA), आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), मशीन लर्निंग और रोबोटिक्स को लेकर आईटी कंसल्टिंग सर्विस के लिए है। इसके तहत कंपनी 1 मई, 2026 से 30 अप्रैल, 2027 तक काम कर रही है।

Adani Enterprises

अदाणी एंटरप्राइजेज का QIP इश्यू 7 जुलाई को बंद हुआ। इसे ₹15,000 करोड़ के 5.2 करोड़ इक्विटी शेयर ₹2,883 के भाव पर एलॉट किए गए।

Smartworks Coworking Spaces

स्मार्टवर्क्स कोवर्किंग स्पेसेज ने ₹25 करोड़ के निवेश के साथ पुणे में अपनी मौजूदा क्षमता में 1,63,942 वर्ग फुट की जगह जोड़ी है।

Restaurant Brands Asia

रेस्टोरेंट ब्रांड्स इंडिया में ₹2235 करोड़ के निवेश से इंस्पिरा ग्लोबल (Inspira Global) ने अपने फूड एंड बेवरेज प्लेटफॉर्म लेनेक्सिस फूडवर्क्स (Lenexis Foodworks) के जरिए कंट्रोल हासिल कर लिया है। इस लेन-देन के पूरा होने के बाद इंस्पिरा ग्लोबल की कंपनी में 41.78% हिस्सेदारी हो गई है। सभी वारंट्स का इस्तेमाल करने के बाद ₹450 करोड़ के अतिरिक्त निवेश से इसकी कुल हिस्सेदारी बढ़कर 48.04% हो जाएगी।

Orbit Exports

ऑर्बिट एक्सपोर्ट्स के बोर्ड ने प्रति शेयर ₹250 के भाव पर ₹27.6 करोड़ तक के शेयर बायबैक प्रस्ताव को मंजूरी दी है।

Cochin Shipyard

कोचीन शिपयार्ड का ऑफर फॉर सेल इश्यू आज बंद होगा। सरकार 2.52% इक्विटी के ओवरसब्सक्रिप्शन ऑप्शन का इस्तेमाल कर रही है।

बल्क डील्स

Containerway International

दिग्गज निवेशक आशीष चुघ ने कंटेनरवे इंटरनेशनल के 67,612 शेयर (0.58% हिस्सेदारी) ₹10.69 लाख में प्रति शेयर ₹15.82 के भाव पर बेचे। मार्च 2026 तक कंपनी में चुघ की हिस्सेदारी 1.64% (यानी 1.89 लाख शेयर) थी।

IOL Chemicals and Pharmaceuticals

पोलुनिन कैपिटल पार्टनर्स की पोलुनिन इमर्जिंग मार्केट्स स्मॉल कैप फंड एलएलसी ने आईओएल केमिकल्स एंड फार्मास्यूटिकल्स के 44.19 लाख शेयर (1.5% हिस्सेदारी) ₹73.64 करोड़ में प्रति शेयर ₹166.65 के भाव पर खरीदे।

Capital Small Finance Bank

वेस्टबोर्न इन्वेस्टमेंट मैनेजर्स एलएलपी की लिप्टस पंच-कार्ड फंड ने एमिकस कैपिटल प्राइवेट इक्विटी I एलएलपी से कैपिटल स्मॉल फाइनेंस बैंक के 8.33 लाख शेयर (1.83% हिस्सेदारी) ₹25 करोड़ में खरीदे। जून 2026 तक कैपिटल स्मॉल फाइनेंस बैंक में लिप्टस पंच-कार्ड फंड की हिस्सेदारी 3% तो एमिकस कैपिटल प्राइवेट इक्विटी I की 2.85% हिस्सेदारी थी।

लिस्टिंग

आज नैक पैकेजिंग की बीएसई और एनएसई पर एंट्री होगी।

एक्स-डेट

आज एमफेसिस, यूनाइटेड स्पिरिट्स, ब्लिस जीवीएस फार्मा, हना जोसेफ हॉस्पिटल, केसर टर्मिनल्स एंड इंफ्रा और मोरार्का फाइनेंस के शेयर एक्स-डिविडेंड ट्रेड करेंगे तो गुजरात इंजेक्ट केरल के स्प्लिट और मैजेस्टिक रिसर्च सर्विसेज एंड सॉल्यूशंस के रिजॉल्यूशन प्लान-सस्पेंशन की आज एक्स-डेट है।

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