Jio IPO: कम हो रहा कर्ज का बोझ, आईपीओ से पहले तेजी से हो रहा कैश जेनेरेट

Jio IPO: जियो प्लेटफॉर्म्स आईपीओ लाने की तैयारियों में जुटी है। उससे पहले कंपनी की सेहत काफी मजबूत हुई है और यह अधिक नगदी जेनेरेट कर रही है तो कर्ज पर इसकी अपनी निर्भरता भी कम हो रही है। मनीकंट्रोल की रिपोर्ट के मुताबिक रिलायंस इंडस्ट्रीज (Reliance Industries) की डिजिटल इकाई जियो प्लेटफॉर्म्स का नेट लेवरेज रेश्यो वित्त वर्ष 2024 में 0.88 गुना से घटकर वित्त वर्ष 2026 में 0.36 गुना रह गया। इससे कंपनी को वित्तीय फैसले लेने में अधिक सहूलियत मिली है। जियो का लक्ष्य अपनी मुनाफे वाली ग्रोथ को आगे बढ़ाने का है। आईपीओ के तहत नए शेयर जारी करके जुटाए गए पैसों का इस्तेमाल कंपनी रिलायंस जियो इंफोकॉम का कर्ज हल्का करने और आम कॉरपोरेट उद्देश्यों में करेगी।

क्या कहना है एक्सपर्ट का

जियो प्लेटफॉर्म्स का यह आईपीओ ऐसे समय में आ रहा है, जब इसका फोकस नेटवर्क का विस्तार करने और नए ग्राहक जोड़ने से हटकर पिछले एक दशक में बनाए गए इंफ्रास्ट्रक्चर से अधिक कमाई करने पर है। इसका मतलब हुआ कि कंपनी अपने मौजूदा ग्राहकों से कमाई बढ़ाने के साथ-साथ मोबाइल कनेक्टिविटी के अलावा दूसरे कारोबारों को भी डेवलप करने पर फोकस कर रही है।

एंबिट कैपिटल रिसर्च के एनालिस्ट विवेकानंद एस का कहना है कि आईपीओ से जियो की वित्तीय सेहत मजबूत होने की उम्मीद है क्योंकि इसके कैपिटल स्ट्रक्चर अधिक कंजर्वेटिव हो जाएगा। उनका कहना है कि अब अगले चरण की ग्रोथ में कंपनी का फोकस कमाई बढ़ाने पर होगा तो कैपिटल एक्सपेंडिचर पर अधिक कंट्रोल दिख सकता है।

कैसी है Jio Platforms की सेहत

जियो प्लेटफॉर्म्स के कारोबारी सेहत की बात करें तो ऑपरेशंस से इसका रेवेन्यू वित्त वर्ष 2024 में ₹1.10 लाख करोड़ से वित्त वर्ष 2026 में ₹1.47 लाख करोड़ पर पहुंच गया। इस दौरान कंपनी का शुद्ध मुनाफा भी ₹21,423 करोड़ से बढ़कर ₹30,049 करोड़ हो गया। साथ ही अहम बात ये है कि कैपिटल एक्सपेंडिचर के बाद कंपनी की नगदी वित्त वर्ष 2024 में ₹1,449 करोड़ से बढ़कर FY26 में ₹42,071 करोड़ हो गई, जिससे इसके सामने भविष्य में निवेश करने और कर्ज हल्का करने की गुंजाइश बढ़ी है।

इस दौरान कंपनी का ARPU यानी प्रति यूजर औसतन मंथली रेवेन्यू ₹181.7 से ₹214 पर पहुंच गया तो प्रति यूजर मासिक डेटा खपत 28.7 GB से बढ़कर 42.3 GB हो गई। विवेकानंद का कहना है कि ग्राहक अनलिमिटेड डेटा और सस्ती सेवाओं का भरपूर फायदा उठा रहे हैं, जिससे कंपनी को कस्टमर सरप्लस के रूप में काफी फायदा मिल रहा है।

जियो ने नेटवर्क इंफ्रास्ट्रक्चर में बड़े निवेश और आक्रामक प्राइसिंग के जरिए देश के मोबाइल मार्केट को बदल दिया, जिससे कॉम्पिटिटर्स को भी ऐसा ही करना पड़ा। हालांकि अब टेलीकॉम इंडस्ट्री को अपनी सर्विस से ज्यादा रेवेन्यू कमाने की जरूरत है। कंपनी ने मोबाइल सर्विस के अलावा एक एंड-टू-एंड 5जी स्टैक डेवलप किया है जिसमें कोर नेटवर्क टेक्नोलॉजी, रेडियो इक्विपमेंट और नेटवर्क सॉफ्टवेयर शामिल हैं। मार्च 2026 तक जियो प्लेटफॉर्म्स और उसकी यूनिट्स ने 6,817 पेटेंट एप्लीकेशन फाइल किए थे, जिनमें से 1,009 को वैश्विक मंजूरी मिल चुकी थी। जियो ने अपना प्री-6G स्टैक और Giga MIMO रेडियो भी डेवलप किया है, जिसे कंपनी ने पिछले हफ्ते नई दिल्ली में इंडिया मोबाइल कांग्रेस में दिखाया था।

जियो अपने होम ब्रॉडबैंड बिजनेस का भी विस्तार कर रही है। आईपीओ के ड्राफ्ट के मुताबिक वित्त वर्ष 2026 के आखिरी तक उसके पास 2.71 करोड़ फिक्स्ड ब्रॉडबैंड कस्टमर थे, जिससे उसका मार्केट शेयर 42.6% हो गया।

कंपनी की योजना पार्टनरशिप और मैनेज्ड-सर्विस अरेंजमेंट के जरिए अपनी खास नेटवर्क टेक्नोलॉजी को विदेशी टेलीकॉम ऑपरेटर्स तक पहुंचाने की भी है। इसके सफल होने पर भारतीय ऑपरेशन्स के अलावा कंपनी के लिए रेवेन्यू का एक और जरिया बन सकता है।

How to read stock chart: चार्ट पढ़ने का सही तरीका, धड़ाधड़ बनेगा शेयर मार्केट से पैसा

डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

Drishyam 3 Box Office Collection Day 9: अजय देवगन की फिल्म ने 285 करोड़ रुपये का आंकड़ा पार किया

Drishyam 3 Box Office Collection Day 9: बॉक्स ऑफिस पर ‘दृश्यम 3’ की रफ्तार फिलहाल रुकने वाली नहीं है। अजय देवगन की यह फिल्म टिकट खिड़की पर जबरदस्त कमाई कर रही है और अभिनेता के करियर की सबसे बड़ी ओपनर बन गई है। यह क्राइम थ्रिलर फिल्म अपने दूसरे वीकेंड के आखिर तक ₹300 करोड़ का आंकड़ा छूने की ओर बढ़ रही है।

दृश्यम 3 द कन्क्लूजन बॉक्स ऑफिस कलेक्शन – 9वां दिन

अपनी रिलीज के दिन फिल्म ने पूरे भारत में ₹66.75 करोड़ (नेट) कमाए, जिससे यह अब तक की तीसरी सबसे बड़ी ओपनिंग वाली हिंदी फिल्म बन गई। वीकेंड पर भी इसका शानदार प्रदर्शन जारी रहा। इसने शनिवार को ₹53.50 करोड़ और रविवार को ₹61 करोड़ की कमाई की। हालांकि सोमवार को कमाई घटकर ₹21 करोड़ रह गई, लेकिन फिल्म ने बाकी हफ्ते में अपनी पकड़ बनाए रखी, जिससे भारत में इसका पहले हफ्ते का नेट कलेक्शन ₹245.50 करोड़ तक पहुंच गया।

Sacnilk के ताजा अपडेट के अनुसार, ‘दृश्यम 3’ ने थिएटर्स में अपने नौवें दिन-जो कि इसका दूसरा शनिवार था-₹26.50 करोड़ कमाए। वीकेंड पर मिली बढ़त ने फ़िल्म की रफ्तार बनाए रखने में मदद की है, जबकि दशहरा आने में अभी भी एक हफ्ता बाकी है। अब फिल्म बॉक्स ऑफिस पर लंबे समय तक चलने वाले त्योहारों के मौसम के उत्साह का पूरा फायदा उठाने की कोशिश कर रही है। अपनी लेटेस्ट कमाई के साथ, ‘दृश्यम 3’ की भारत में कुल नेट कमाई 286.50 करोड़ रुपये हो गई है।

‘दृश्यम 3’ में क्या होता है?

‘दृश्यम 2’ में अपने परिवार को बचाने के बाद, विजय सलगांवकर को ‘दृश्यम 3 द कन्क्लूजन’ में एक और चुनौती का सामना करना पड़ता है। फिल्म में दिखाया गया है कि वह कैसे अपने अतीत के राज छिपाकर रखता है। तीसरी फिल्म ‘दृश्यम 2’ की कहानी को आगे बढ़ाती है और उम्मीद है कि इसमें विजय का सफर अपने आखिरी पड़ाव पर पहुंचेगा। पिछली फिल्मों में वह पुलिस से हमेशा एक कदम आगे रहने में कामयाब रहा था। हालांकि इस बार उसकी सोच-समझकर बनाई गई चालों की एक और परीक्षा होगी।

यह हिंदी फिल्म आने वाली मलयालम फिल्म ‘दृश्यम 3’ का सीधा रीमेक नहीं है। दोनों फिल्मों की कहानी अलग-अलग है। हिंदी वर्जन में विजय सलगांवकर पर केंद्रित एक ओरिजिनल कहानी दिखाई जा रही है। ‘दृश्यम 3: द कन्क्लूजन’ में अजय देवगन, जयदीप अहलावत, तब्बू, श्रिया सरन, रजत कपूर, प्रकाश राज, इशिता दत्ता और मृणाल जाधव हैं।

हूती विद्रोही सऊदी अरब को यमन में कैसे फंसा गए:UAE ने गलत फैसलों की वजह से साथ छोड़ा; ट्रम्प ने भी मदद नहीं की

सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान अपने देश को तेल की कमाई से निकालकर दुनिया का बड़ा निवेश और पर्यटन केंद्र बनाना चाहते हैं। लेकिन जिस यमन युद्ध से वे पिछले 11 साल से निकलने की कोशिश कर रहे थे, उसी ने उन्हें फिर घेर लिया है। ईरान समर्थित हूती विद्रोही सऊदी शहरों, हवाई अड्डों और तेल ठिकानों को निशाना बना रहे हैं। विशेषज्ञों के मुताबिक, कई गलत फैसलों के कारण सऊदी अरब की मुश्किलें बढ़ी हैं। पिछले साल यमन को लेकर सऊदी अरब और UAE के बीच पुरानी साझेदारी टूट गई। सऊदी के खिलाफ लड़ाई में ट्रम्प ने भी सलमान का साथ नहीं दिया। अब सऊदी अरब अपने सहयोगी देशों की मदद से हूतियों के खिलाफ नया अभियान चला रहा है, लेकिन युद्ध से बाहर निकलने का रास्ता साफ नहीं है। UAE के हटते ही कमजोर पड़ी सऊदी की रणनीति सऊदी अरब और UAE पहले यमन में हूती विद्रोहियों के खिलाफ साथ मिलकर लड़ रहे थे। लेकिन बाद में दोनों के हित टकराने लगे। सबसे बड़ा झगड़ा इस बात पर हुआ कि युद्ध के बाद यमन पर किसका और किस तरह का शासन होना चाहिए।

सऊदी अरब- यमन में अंतरराष्ट्रीय मान्यता प्राप्त सरकार का समर्थन करता है। UAE- यमन में अलग देश की मांग करने वाले STC के साथ खड़ा है।

2025 के आखिर में STC ने दक्षिणी यमन के कई इलाकों पर कब्जा कर लिया। सऊदी अरब को लगा कि इससे उसकी सीमा की सुरक्षा खतरे में पड़ सकती है। इसके बाद दिसंबर 2025 में सऊदी अरब ने मुकल्ला पोर्ट पर हवाई हमला किया। सऊदी का आरोप था कि वहां UAE से आए हथियार उतारे जा रहे थे। जबकि UAE का कहना था कि जहाजों में हथियार नहीं थे और सामान यमन में तैनात उसके सैनिकों के लिए था। इसके बाद दोनों देशों के बीच तनाव और बढ़ गया। UAE ने यमन में हूती विद्रोहियों के खिलाफ लड़ने वाले अपने सैनिक वापस बुला लिए। इसका असर यमन में हूतियों के खिलाफ लड़ रहे गुटों पर पड़ा। UAE के समर्थन से तैयार हुए हजारों लड़ाके अचानक अपनी पुरानी कमान से अलग हो गए। सऊदी अरब उनकी जगह वैसी मजबूत व्यवस्था नहीं बना पाया। इससे हूतियों को मजबूत होने का मौका मिल गया। ईरान युद्ध ने सऊदी अरब को फिर घसीटा UAE से साझेदारी टूटने के बाद सऊदी अरब अभी यमन में अपने पैर जमाने की कोशिश कर ही रहा था कि अमेरिका और इजराइल ने ईरान के खिलाफ युद्ध शुरू कर दिया। ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद जुलाई में उनका अंतिम संस्कार हुआ। इसमें शामिल होने के लिए हूती प्रतिनिधिमंडल एक विमान से तेहरान पहुंचा। जब ये लौट रहे थे तो इन्हें कहा गया कि वे यमन की राष्ट्रीय एयरलाइन से ही वापस लौटें। उन्हें ईरान की एयरलाइन में आने नहीं दिया जाएगा। वहीं, हूती अधिकारी ईरानी विमान को सीधे सना में उतारने पर अड़े रहे। इसके बाद सरकार समर्थित फोर्स ने सना एयरपोर्ट के रनवे को बम से उड़ा दिया, ताकि ईरानी विमान वहां उतर न सके। इसके बाद प्लेन को अपना रास्ता बदलकर हूदैदाह एयरपोर्ट उतरना पड़ा। इस घटना से हूती विद्रोही इतने नाराज हो गए कि उन्होंने सऊदी के साथ चल रहा 4 साल पुराना युद्ध विराम तोड़ दिया। ट्रम्प से मदद मांगी, लेकिन अमेरिका ने हाथ खींचे सऊदी अरब को उम्मीद थी कि जरूरत पड़ने पर अमेरिका उसकी सैन्य मदद करेगा। दोनों देशों ने रक्षा सहयोग भी बढ़ाया था। लेकिन हूतियों के खिलाफ कार्रवाई के मामले में यह भरोसा कमजोर पड़ता दिखा। CNN की रिपोर्ट के मुताबिक, क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान ने पिछले महीने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प से दो बार बात की और हूतियों पर हमला करने का आग्रह किया। ट्रम्प ने सीधे सैन्य हस्तक्षेप नहीं किया। इसके बजाय अमेरिका ने ओमान में हूतियों से बातचीत की, ताकि उनके साथ अपना संघर्षविराम बनाए रखा जा सके। सऊदी अरब अब दूसरे देशों से मदद जुटा रहा है। फ्रांस ने रक्षा संसाधन और सैन्यकर्मी भेजने पर सहमति जताई है, जबकि ब्रिटेन ने सऊदी लड़ाकू विमानों में ईंधन भरने के लिए विमान भेजने की बात कही है। सऊदी अरब, तुर्किये और पाकिस्तान ने भी रक्षा सहयोग बढ़ाने पर सहमति जताई है। जंग का सऊदी अरब की अर्थव्यवस्था पर असर मोहम्मद बिन सलमान सऊदी अरब की अर्थव्यवस्था को तेल पर निर्भरता से बाहर निकालना चाहते हैं। इसके लिए वे देश में घूमने-फिरने की जगहें, खेल, फिल्में और मनोरंजन बढ़ा रहे हैं। बड़े-बड़े प्रोजेक्ट भी शुरू किए जा रहे हैं। लेकिन लगातार हो रहे हमलों से इन योजनाओं पर खतरा बढ़ गया है। इलाके में तनाव के कारण इस साल कई फिल्म समारोह, पुरस्कार कार्यक्रम और संगीत के बड़े आयोजन टालने पड़े हैं। अक्टूबर के आखिर में सऊदी अरब में होने वाली बड़ी निवेश बैठक पर भी असर पड़ने की आशंका है। तेल के ठिकानों पर हमले और तेल की सप्लाई रुकने से देश की कमाई घट सकती है। सऊदी अरब अब हूतियों से लड़ने के लिए यमन के अपने साथी गुटों की मदद ले रहा है। लेकिन जानकारों का कहना है कि सिर्फ हवाई हमले करने और कुछ इलाकों पर कब्जा करने से यह लड़ाई खत्म नहीं होगी। यमन में लड़ने वाले गुटों के बीच ही कई बातों पर सहमति नहीं है। वे इस बात पर भी एकमत नहीं हैं कि आगे यमन की सरकार कैसी होनी चाहिए। हूतियों को रोकना मुश्किल, तेल कारोबार पर खतरा सऊदी अरब के सामने दो बड़ी मुश्किलें हैं। पहली, हूतियों के हमलों को रोकना और अपनी सीमाओं और तेल के ठिकानों को सुरक्षित रखना। दूसरी, यमन में लड़ाई खत्म करने का ऐसा रास्ता निकालना, जिससे उसे बार-बार हमला न करना पड़े। जानकारों का कहना है कि जब तक अमेरिका और ईरान के बीच लड़ाई जारी रहेगी, ईरान हूतियों की मदद से सऊदी अरब पर दबाव बना सकता है। ऐसे में सिर्फ हथियारों और हवाई हमलों से सऊदी अरब के लिए लंबे समय तक शांति बनाए रखना मुश्किल होगा। सऊदी अरब चाहता था कि यमन की लड़ाई उसकी सीमाओं से दूर रहे, लेकिन अब यही लड़ाई उसके लिए बड़ी परेशानी बन गई है। इससे देश की सुरक्षा, तेल से होने वाली कमाई और विकास की योजनाओं पर असर पड़ रहा है। अब मोहम्मद बिन सलमान के सामने सबसे बड़ी चुनौती है कि वे देश को फिर से विकास के रास्ते पर कैसे आगे बढ़ाएं, जबकि यमन की लड़ाई कब खत्म होगी, यह अभी साफ नहीं है।

IIT रुड़की के हरकिरत सिंह की अनोखी करियर जर्नी, पहले फ्रीलांसिंग से ₹80 लाख कमाए, अब ₹4 करोड़ का पैकेज

हर कोई लाखों के पैकेज वाली नौकरी पाने का सपना देखता है, लेकिन IIT रुड़की के हरकिरत सिंह ने नौकरी मिलने के बाद ही अपना रास्ता बदलने का फैसला किया। Goldman Sachs जैसी बड़ी कंपनी छोड़कर उन्होंने फ्रीलांसिंग में हाथ आजमाया और रिपोर्ट्स के मुताबिक, सालाना 80 लाख रुपये तक कमाए। अब Gather में उनकी रिमोट सॉफ्टवेयर डेवलपर की नौकरी का पैकेज करीब 4 करोड़ रुपये बताया जा रहा है। उनकी कहानी सिर्फ मोटी सैलरी तक पहुंचने की नहीं, बल्कि करियर में अलग रास्ता चुनने के फैसले की भी है। हालांकि, इतनी बड़ी कमाई की खबर के बीच यह समझना भी जरूरी है कि हर किसी के लिए ऐसा सफर एक जैसा नहीं होता।

IIT रुड़की से पढ़ाई, Google के प्रोग्राम में भी लिया हिस्सा

हरकिरत सिंह ने 2018 में IIT रुड़की से कंप्यूटर साइंस में बीटेक किया था। उनकी प्रोफेशनल यात्रा में Google Summer of Code में दो बार हिस्सा लेना भी शामिल रहा। इसके अलावा, उन्होंने FAANG कंपनियों, फाइनेंस सेक्टर और स्टार्टअप्स के साथ काम करके अपना अनुभव बढ़ाया। इस तरह उनका करियर सिर्फ एक कंपनी या एक क्षेत्र तक सीमित नहीं रहा।

Goldman Sachs छोड़ी, फ्रीलांसिंग को बनाया कमाई का जरिया

आमतौर पर बड़ी वित्तीय कंपनी में नौकरी मिलना युवाओं के लिए बड़ी उपलब्धि माना जाता है। लेकिन हरकिरत ने महामारी से ठीक पहले इस नौकरी को छोड़कर दूसरे अवसर तलाशने का फैसला किया। इसके बाद उन्होंने फ्रीलांसिंग के जरिए काम करना शुरू किया।

बताया जाता है कि इस दौरान उनकी सालाना कमाई करीब 80 लाख रुपये तक पहुंच गई। अलग-अलग प्रोजेक्ट्स पर काम करने और तकनीकी कौशल का इस्तेमाल करने से उन्हें वैश्विक बाजार में अवसर तलाशने का मौका मिला।

अब ₹4 करोड़ के रिमोट पैकेज की चर्चा

हरकिरत सिंह को लेकर साझा की जा रही जानकारी के मुताबिक, उन्हें Gather में रिमोट सॉफ्टवेयर डेवलपर की भूमिका मिली, जिसके लिए सालाना पैकेज करीब 4 करोड़ रुपये बताया जा रहा है। हालांकि, इस रकम और नौकरी की शर्तों की स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध जानकारी से नहीं होती।

सोशल मीडिया पर छिड़ी नौकरी को लेकर बहस

उनकी कहानी पर कुछ यूजर्स ने तकनीकी कौशल और लगातार सीखते रहने की अहमियत बताई। वहीं, एक यूजर ने कहा कि फ्रेशर्स और जूनियर कर्मचारियों के लिए रिमोट नौकरी पाना आज भी मुश्किल है, जबकि अनुभवी लोगों को अपेक्षाकृत ज्यादा अवसर मिलते हैं।

हरकिरत की यात्रा यही दिखाती है कि करियर में नए रास्ते तलाशना फायदेमंद हो सकता है, लेकिन इसके लिए कौशल, अनुभव और जोखिम उठाने की तैयारी भी जरूरी है।

‘तुझे पैदा करके गलती कर दी’, ₹95 हजार की नौकरी जाने के बाद बदल गया घर का माहौल, 22 साल के युवक ने बताया कैसे माता-पिता के तानों ने बढ़ाई मुश्किलें

Fusion CX IPO: ₹702 करोड़ का एक और इश्यू 14 अक्टूबर से; रहेंगे ₹500 करोड़ के नए शेयर; चेक करें प्राइस बैंड

मेनबोर्ड सेगमेंट में फ्यूजन CX का ₹702 करोड़ का IPO 14 अक्टूबर को खुलने वाला है। प्राइस बैंड ₹275-₹289 प्रति शेयर और लॉट साइज 51 शेयर है। कंपनी वॉइस, ईमेल, चैट, सोशल मीडिया और मैसेजिंग के जरिए मल्टीचैनल कस्टमर सपोर्ट उपलब्ध कराती है। यह AI डेटा इंफ्रास्ट्रक्चर सर्विस भी देती है, जिसमें डेटा कलेक्शन, डेटा एनोटेशन, इमेज व वीडियो लेबलिंग, और रोबोटिक टेली-ऑपरेशंस शामिल हैं।

Fusion CX इंसानी विशेषज्ञता को टेक्नोलॉजी और अपने खास AI टूल्स के साथ कंबाइन करके कई भाषाओं में और कई चैनलों के जरिए कस्टमर एंगेजमेंट उपलब्ध कराती है, काम करने की क्षमता बेहतर बनाती है और कस्टमर के साथ बातचीत को ऑटोमेट करती है। 30 जून, 2026 तक Fusion CX के 13 देशों में 40 डिलीवरी सेंटर थे।

कंपनी के पब्लिक इश्यू में ₹500 करोड़ के 1.73 करोड़ नए शेयर जारी होंगे। साथ ही ₹202 करोड़ के 69.90 लाख शेयरों का ऑफर फॉर सेल (OFS) रहेगा। OFS में प्रमोटर्स P.N.S. बिजनेस प्राइवेट लिमिटेड और रसीश कंसल्टेंट्स प्राइवेट लिमिटेड शेयरों को बिक्री के लिए रखेंगे। एंकर निवेशक 13 अक्टूबर को बोली लगा सकेंगे।

कब होगी लि​स्टिंग

IPO 16 अक्टूबर को बंद होगा, जिसके बाद अलॉटमेंट 19 अक्टूबर को फाइनल हो सकता है। कंपनी के शेयर NSE और BSE पर 22 अक्टूबर को लिस्ट होंगे। इस इश्यू के लिए ‘नुवामा वेल्थ मैनेजमेंट लिमिटेड’ बुक रनिंग लीड मैनेजर है। रजिस्ट्रार Kfin Technologies है। IPO में 75 प्रतिशत हिस्सा क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स के लिए, 15 प्रतिशत हिस्सा नॉन इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स के लिए और 10 प्रतिशत हिस्सा रिटेल इनवेस्टर्स के लिए रिजर्व है।

ग्रे मार्केट में Fusion CX का शेयर अभी से 19.03 प्रतिशत प्रीमियम पर ट्रेड कर रहा है। ग्रे मार्केट एक अनऑथराइज्ड मार्केट है, जहां​ किसी कंपनी के शेयर उसकी लिस्टिंग तक ट्रेड करते हैं।

IPOs This Week: मार्केट सुस्त, 12 अक्टूबर से शुरू हफ्ते में केवल 4 नए इश्यू; एक कंपनी होगी लिस्ट

कंपनी की वित्तीय सेहत

Fusion CX का अप्रैल-जून 2026 तिमाही में रेवेन्यू ₹503.85 करोड़ रहा। शुद्ध मुनाफा ₹55.70 करोड़ दर्ज किया गया। इस बीच कंपनी पर ₹238.13 करोड़ की उधारी थी। वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान कंपनी का रेवेन्यू 37 प्रतिशत बढ़कर ₹1,851.83 करोड़ और शुद्ध मुनाफा 129 प्रतिशत की बढ़ोतरी के साथ ₹169.84 करोड़ रहा।

IPO के पैसे कैसे होंगे इस्तेमाल

कंपनी अपने पब्लिक इश्यू में नए शेयरों को जारी कर होने वाली कमाई का इस्तेमाल अपना और सब्सिडियरीज का कर्ज चुकाने के लिए, स्टेप डाउन सब्सिडियरीज में निवेश के लिए, पहले से न पता अधिग्रहणों के जरिए इनऑर्गेनिक ग्रोथ के लिए और आम कॉरपोरेट उद्देश्यों के लिए करेगी।

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

‘तुझे पैदा करके गलती कर दी’, ₹95 हजार की नौकरी जाने के बाद बदल गया घर का माहौल, 22 साल के युवक ने बताया कैसे माता-पिता के तानों ने बढ़ाई मुश्किलें

एक अच्छी नौकरी और मोटी सैलरी होने के बावजूद जिंदगी हमेशा एक जैसी नहीं रहती। कभी-कभी हालात ऐसे बदलते हैं कि इंसान को अपनी जरूरतें पूरी करने के लिए भी संघर्ष करना पड़ता है। लेकिन मुश्किलें तब और बढ़ जाती हैं, जब बाहर की परेशानियों के बीच अपने ही साथ देना छोड़ दें। सोशल मीडिया पर 22 साल के एक युवक की आपबीती कुछ ऐसी ही कहानी बयां कर रही है। नौकरी छूटने के बाद उसकी जिंदगी में आए बदलाव और परिवार के कथित व्यवहार ने लोगों को सोचने पर मजबूर कर दिया है।

युवक की पोस्ट पर कई लोग उसके दर्द को समझने की कोशिश कर रहे हैं, तो कुछ ने उसे आत्मनिर्भर बनने और भविष्य के लिए आर्थिक सुरक्षा मजबूत करने की सलाह दी है। इस घटना ने एक बार फिर सवाल खड़ा किया है कि मुश्किल दौर में परिवार का साथ कितना मायने रखता है।

नौकरी छूटते ही घर में बदल गया व्यवहार

22 वर्षीय युवक ने बताया कि थर्ड-टियर कॉलेज से पढ़ाई पूरी करने के बाद उसे आईटी सेक्टर में नौकरी मिली थी। उसकी मासिक सैलरी करीब 95,000 रुपये थी, लेकिन छह महीने बाद ही उसकी नौकरी चली गई। अब उसे बेरोजगार हुए दो महीने हो चुके हैं।

युवक के मुताबिक, पिछले एक महीने से माता-पिता उसे कथित तौर पर निकम्मा और दूसरों पर निर्भर रहने वाला कहकर ताने दे रहे हैं। उसने अपनी पोस्ट का शीर्षक रखा, ‘Parents said Galti kardi tujhe paida karke’। उसके अनुसार, एक दिन माता-पिता ने उसकी थाली से खाना हटा दिया और कहा कि उसे पैदा करके गलती कर दी।

दो दिन से खाना नहीं मिलने का दावा

युवक ने अपनी पोस्ट में दावा किया कि उसने पिछले दो दिनों से कुछ नहीं खाया था और घर में किसी ने उससे खाने के बारे में नहीं पूछा। उसने यह भी आरोप लगाया कि परिवार ने कूलर उससे ले लिया और पेट्रोल खत्म होने पर उसे अपनी बाइक करीब तीन किलोमीटर तक खींचनी पड़ी।

उसका कहना है कि आर्थिक परेशानी के साथ घर का माहौल भी उसकी मानसिक स्थिति पर असर डाल रहा है। वह नाइट गार्ड की नौकरी तलाश रहा था, ताकि काम के साथ भविष्य के इंटरव्यू की तैयारी कर सके। उसने फूड डिलीवरी का काम भी आजमाया, लेकिन उसके मुताबिक, इससे तैयारी के लिए समय नहीं मिल पा रहा था।

अच्छी कमाई के बावजूद नहीं की बचत

युवक ने बताया कि उसने अपनी कमाई से बाइक खरीदी थी और इसके लिए कोई ईएमआई नहीं चल रही थी। हालांकि, नौकरी जाने के बाद उसे महसूस हुआ कि भविष्य की मुश्किलों के लिए पर्याप्त बचत करना कितना जरूरी है।

उसने दूसरे युवाओं को सलाह दी कि बाइक या कार जैसी महंगी चीजें खरीदने से पहले कुछ पैसे आपातकालीन जरूरतों के लिए जरूर बचाकर रखें।

Parents said “Galti kardi tujhe paida karke”

by

u/Outside-Addendum-323 in

PataHaiAajKyaHua

Reddit यूजर्स ने बढ़ाया हौसला

युवक की कहानी पर कई लोगों ने उसे हिम्मत रखने और नौकरी की तलाश जारी रखने की सलाह दी। एक यूजर ने उसकी जॉब प्रोफाइल पूछते हुए अपने परिचितों के जरिए नौकरी के अवसर तलाशने में मदद की पेशकश की। कुछ लोगों ने उसे आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनने और भविष्य में अपनी परिस्थितियों के अनुसार अलग रहने पर विचार करने को कहा। यह मामला युवक की Reddit पोस्ट में किए गए दावों पर आधारित है, जिनकी स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है। फिर भी उसकी कहानी एक अहम सवाल उठाती है मुश्किल समय में अपनों को तानों की जरूरत होती है या थोड़े सहारे और समझदारी की?

दिवाली पर मालदीव से भी महंगा हुआ घर जाना! दिल्ली से पटना-गोरखपुर फ्लाइट्स के किराए ने इंटरनेट को चौंकाया

Ajay Devgn: ‘दृश्यम 3’ की सफलता के बीच अजय देवगन ने कारगिल में ‘चौहान’ की शूटिंग शुरू की, 2027 में रिलीज हो सकती है फिल्म

Ajay Devgn: ‘दृश्यम द कन्क्लूजन’ की सफलता का आनंद ले रहे अजय देवगन ने अपने अगले प्रोजेक्ट पर काम शुरू कर दिया है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार अजय देवगन 2027 में भी इसी समय के आसपास एक और फिल्म रिलीज करने की योजना बना रहे हैं। इसके लिए उन्होंने अपनी अगली फिल्म ‘चौहान’ पर काम शुरू कर दिया है।

बॉलीवुड हंगामा के अनुसार देवगन ‘चौहान’ की शूटिंग के लिए लद्दाख पहुंच गए हैं। एक सूत्र ने पोर्टल को बताया- अजय देवगन कारगिल में ‘चौहान’ की शूटिंग कर रहे हैं। वह कुछ दिन पहले यहां पहुंचे थे और शूटिंग शुरू कर चुके हैं। इस खूबसूरत शहर में कुछ अहम सीन शूट किए जाएंगे। मेकर्स ने पहले ही जरूरी मंजूरी ले ली थी और शूटिंग आसानी से हो इसके लिए व्यापक इंतजाम किए हैं।”

सूत्र ने आगे कहा- “कारगिल में काफी ठंड है और मौसम निश्चित रूप से चौहान के सीन्स में एक असलीपन का अहसास कराएगा।” अजय दशकों बाद लद्दाख में शूटिंग कर रहे हैं। इससे पहले अभिनेता ने 2003 में जे.पी. दत्ता की वॉर फिल्म ‘एलओसी कारगिल’ के लिए इस केंद्र शासित प्रदेश में शूटिंग की थी।

चौहान टीजर

जून में रिलीज हुए ‘चौहान’ के टीजर में अजय देवगन एक दमदार अंदाज में नजर आ रहे हैं। वे पूरी तरह से काले कपड़ों (ऑल-ब्लैक लुक) में दिख रहे हैं और बैकग्राउंड में मशहूर गाना ‘जुम्मा चुम्मा दे दे’ बज रहा है। टीजर का अंत एक असरदार डायलॉग के साथ होता है- “पठान से कह देना, चौहान आ रहा है।” इस डायलॉग ने फैन्स के बीच उत्साह बढ़ा दिया है और ऑनलाइन भी खूब ध्यान खींचा है।

‘चौहान’ का निर्देशन नीरज यादव कर रहे हैं और इसे ज्योति देशपांडे, आनंद एल. राय और हिमांशु शर्मा ने जियो स्टूडियोज और कलर येलो प्रोडक्शंस के बैनर तले मिलकर प्रोड्यूस किया है। अजय देवगन की मुख्य भूमिका वाली यह एक्शन-ड्रामा फिल्म 1 अक्टूबर 2027 को सिनेमाघरों में रिलीज होगी।

अजय देवगन की ‘दृश्यम’ के बारे में

‘दृश्यम 3’ ने अजय देवगन के करियर की सबसे बड़ी ओपनिंग दर्ज की है। ‘दृश्यम: द कन्क्लूजन’ की एडवांस बुकिंग 27 सितंबर को शुरू हुई थी और फिल्म ने रिलीज से पहले ही 27 करोड़ रुपये की कमाई कर ली थी। ओपनिंग डे पर इसने पूरे भारत में 66.75 करोड़ रुपये (नेट) कमाए, जो किसी हिंदी फ़िल्म के लिए तीसरी सबसे बड़ी ओपनिंग थी। फिल्म ने शनिवार को 53.50 करोड़ रुपये कमाए और रविवार को यह आंकड़ा बढ़कर 61 करोड़ रुपये हो गया। सैकनिल्क (Sacnilk) के ताजा अपडेट के अनुसार, फ़िल्म ने गुरुवार को 13 करोड़ रुपये कमाए, जिससे भारत में इसका कुल नेट कलेक्शन 245.50 करोड़ रुपये हो गया।

Video: Zomato की ₹50 हजार वाली नौकरी छोड़ी, अब 4 तरीकों से कमा रही ₹2.28 लाख रुपये

नौकरी छोड़ने का फैसला अक्सर जोखिम भरा माना जाता है, खासकर जब हर महीने मिलने वाली तय सैलरी का सहारा छूट जाए। लेकिन Zomato की नौकरी छोड़ने वाली वर्षा ने कमाई के लिए एक नहीं, बल्कि चार अलग-अलग रास्ते चुने। पांच महीने पहले तक वह हर महीने 50 हजार रुपये की सैलरी पा रही थीं, लेकिन अब सितंबर में उनकी कुल कमाई 2.28 लाख रुपये से ज्यादा रही। उन्होंने टेक्नोलॉजी से जुड़े वीडियो बनाने, ब्रांड्स के साथ साझेदारी करने, लोगों को ट्रेनिंग देने और रिमोट सेल्स के जरिए पैसे कमाए। वर्षा ने अपनी इस कमाई का पूरा ब्योरा इंस्टाग्राम पर साझा किया, जिसके बाद उनकी कहानी चर्चा में आ गई।

हालांकि, उन्होंने यह भी बताया कि सितंबर की कमाई जुलाई और अगस्त के मुकाबले कम रही। उनकी कहानी बताती है कि कमाई के कई विकल्प बनाना संभव है, लेकिन इसमें मेहनत और आय में उतार-चढ़ाव दोनों शामिल हैं।

टेक्नोलॉजी से जुड़े वीडियो बनाकर कमाए ₹1 लाख से ज्यादा

वर्षा की सितंबर की कमाई में सबसे बड़ा हिस्सा टेक यूजीसी (TechUGC) का रहा। इस काम से उन्होंने 1,00,900 रुपये कमाए। इसमें टेक्नोलॉजी प्रोडक्ट्स, ऐप्स, सॉफ्टवेयर और डिजिटल टूल्स के बारे में वीडियो बनाना शामिल है। ऐसे कंटेंट में किसी प्रोडक्ट का डेमो देना या उसके इस्तेमाल का तरीका समझाना भी शामिल हो सकता है। हालांकि, वर्षा के मुताबिक, जुलाई और अगस्त की तुलना में सितंबर में इस काम से उनकी कमाई कम रही।

ब्रांड्स के साथ काम करके मिले ₹86 हजार

वर्षा की कमाई का दूसरा बड़ा जरिया सोशल मीडिया पर ब्रांड पार्टनरशिप है। उन्होंने बताया कि सितंबर में इससे 86,000 रुपये की कमाई हुई। हालांकि, इस रकम में से 66,000 रुपये उस समय तक उनके बैंक खाते में नहीं आए थे। इससे पता चलता है कि ऑनलाइन काम में कमाई दर्ज होने और पैसा वास्तव में खाते में आने के बीच अंतर हो सकता है।

लोगों को सिखाने और रिमोट सेल्स से भी हो रही कमाई

वर्षा केवल कंटेंट बनाकर ही पैसा नहीं कमा रहीं, बल्कि अपने अनुभव को दूसरों के साथ साझा करके भी कमाई कर रही हैं। उन्होंने बताया कि टेक यूजीसी के जरिए कमाई करना सिखाने वाले उनके वन-टू-वन सेशन से सितंबर में करीब 36,242 रुपये आए। वहीं, रिमोट सेल्स से उन्हें 5,744 रुपये मिले। फिलहाल यह उनकी चारों इनकम स्ट्रीम में सबसे छोटा हिस्सा है।

View this post on Instagram

A post shared by Instagram (@instagram)

सितंबर में कमाई घटी, फिर भी अक्टूबर से उम्मीदें

चारों स्रोतों को मिलाकर वर्षा ने सितंबर में 2,28,892 रुपये की कुल कमाई बताई। हालांकि, उन्होंने माना कि यह जुलाई और अगस्त के मुकाबले कम थी। अब उनकी कोशिश अक्टूबर में कमाई को दोबारा बढ़ाने की है।

उनकी कहानी सोशल मीडिया पर लोगों का ध्यान खींच रही है। कुछ यूजर्स ने उनके प्रयासों की तारीफ की, जबकि कुछ ने टेक यूजीसी के बारे में और जानकारी जानने की इच्छा जताई।

हालांकि, यह ध्यान रखना जरूरी है कि वर्षा की बताई गई रकम कुल रेवेन्यू है, जरूरी नहीं कि यही उनका शुद्ध मुनाफा हो। कंटेंट बनाने में लगने वाला खर्च, टैक्स और भुगतान में देरी जैसी बातें वास्तविक कमाई को प्रभावित कर सकती हैं। उनकी कहानी दिखाती है कि कमाई के कई रास्ते बनाना संभव है, लेकिन हर महीने एक जैसी आय की गारंटी नहीं होती।

(डिस्क्लेमर: यह रिपोर्ट सोशल मीडिया पर यूज़र द्वारा शेयर किए गए कंटेंट पर आधारित है। मनीकंट्रोल इन दावों की न तो स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं करता है और न ही इनका समर्थन करता है।)

127% सैलरी हाइक का ऑफर ठुकराए या नई नौकरी जॉइन करे? कर्मचारी की दुविधा पर Reddit यूजर्स ने दी सलाह

Drishyam 3 box office collection day 8: अजय देवगन की फिल्म दूसरे वीक भी मचाया धमाल, 260 करोड़ का आंकड़ा किया पार

Drishyam 3 box office collection day 8: ‘दृश्यम 3’ इस साल की सबसे बड़ी सफल फिल्मों में से एक बनकर उभर रही है। अजय देवगन की इस फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर जबरदस्त ओपनिंग की और पांच दिनों में 200 करोड़ का आंकड़ा पार कर लिया। इसने ‘करुप्पू’, ‘सिकंदर’ और ‘आवारापन 2’ जैसी कई हिट फिल्मों की कुल कमाई का रिकॉर्ड भी तोड़ दिया है। हालांकि सोमवार को फिल्म की कमाई में उम्मीद के मुताबिक गिरावट आई, लेकिन बॉक्स ऑफिस पर इसकी रफ्तार कम नहीं हुई है।

दृश्यम 3 बॉक्स ऑफिस रिपोर्ट

दृश्यम 3 ने सिनेमाघरों में पहले हफ्ते में जबरदस्त कमाई की। ‘दृश्यम द कन्क्लूजन’ के लिए एडवांस बुकिंग 27 सितंबर को शुरू हुई थी। रिलीज से पहले ही फिल्म ने ₹27 करोड़ कमा लिए थे। दिन के अंत तक फिल्म ने पूरे भारत में ₹66.75 करोड़ (नेट) की कमाई कर ली थी। यह किसी भी हिंदी फिल्म की अब तक की तीसरी सबसे बड़ी ओपनिंग है और अजय देवगन के करियर की सबसे बड़ी ओपनिंग है। शनिवार को फिल्म ने ₹53.50 करोड़ कमाए और रविवार को इसमें भारी उछाल आया, जिससे इसने ₹61 करोड़ कमाए। पहले वीक के एंड तक, फिल्म ने ₹245.50 करोड़ कमा लिए थे।

ताजा अपडेट के अनुसार, दृश्यम 3 ने 14.50 करोड़ कमाए हैं। इससे भारत में इसकी कुल नेट कमाई ₹260 करोड़ हो गई है। दृश्यम 3 पहले ही अपनी पिछली फिल्म ‘दृश्यम 2’ की कुल कमाई का रिकॉर्ड तोड़ चुकी है। अब इसकी नजर ‘तानाजी: द अनसंग वॉरियर’ की कमाई का रिकॉर्ड तोड़ने पर है। 2020 की यह ऐतिहासिक ड्रामा अजय की सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्म बनी हुई है, जिसकी कुल नेट कमाई ₹279.59 करोड़ थी।

दृश्यम 3 के बारे में

दृश्यम 3 की कहानी ‘दृश्यम 2’ के खत्म होने के ठीक बाद शुरू होती है। इसमें अजय के किरदार विजय सलगांवकर की आखिरी बार वापसी होती है। फिल्म रिलीज होने से पहले अजय ने ट्रेलर लॉन्च इवेंट में डायरेक्टर अभिषेक पाठक की तारीफ की और कहा- “उन्होंने जिस तरह से स्क्रिप्ट पर काम किया है और फिल्म को जिस तरह से तैयार किया है… जैसा कि उन्होंने कहा, ‘दृश्यम’ के बाद वे और बेहतर हुए हैं।

आप इस फिल्म में देखेंगे कि ‘दृश्यम’ के बाद उनमें वाकई कितना सुधार आया है। और सिर्फ राइटिंग ही नहीं बल्कि जिस तरह से उन्होंने फिल्म को बनाया है। मुझे लगता है कि उन्होंने बहुत शानदार काम किया है। मैं चाहता हूं कि मोहनलाल सर और जीतू सर यह फिल्म देखें और अगर उन्हें यह पसंद आती है और वे इसे मंजूरी देते हैं तो मुझे बहुत खुशी होगी।”