सीरिया की राजधानी दमिश्क में फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों के दौरे के बीच मंगलवार को धमाका हुआ है। यह ब्लास्ट उस होटल के पास हुआ है, जहां मैक्रों के ठहरने की व्यवस्था की गई थी। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक स्थानीय लोगों ने एक साथ कई धमाकों की आवाज सुनी। सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियोज में इलाके से धुआं भी उठता देखा गया। धमाके के तुरंत बाद सुरक्षा एजेंसियों ने आसपास की सड़कों को बंद कर दिया और पूरे इलाके की घेराबंदी कर दी। फिलहाल किसी के हताहत होने की जानकारी नहीं है। अधिकारियों ने धमाके के कारणों की जांच शुरू कर दी है। मैक्रों, बशर अल-असद के सत्ता से हटने के बाद दमिश्क का दौरा करने वाले यूरोपीय संघ (EU) के पहले बड़े नेता हैं। धमाके से जुड़ी 3 फुटेज… तख्तापलट के बाद सीरिया पहुंचने वाले मैक्रों पहले बड़े यूरोपीय नेता मैक्रों सोमवार को सीरिया की राजधानी दमिश्क पहुंचे थे। बशर अल-असद के सत्ता से हटने के बाद वह सीरिया का दौरा करने वाले पहले बड़े यूरोपीय नेता बन गए हैं। दमिश्क एयरपोर्ट पर सीरिया के विदेश मंत्री असद अल-शैबानी ने उनका स्वागत किया। इसके बाद मैक्रों ने राष्ट्रपति अहमद अल-शरा से मुलाकात की और दोनों नेताओं ने ऐतिहासिक उमय्यद मस्जिद का भी दौरा किया। मैक्रों के दौरे में सीरिया के पुनर्निर्माण, विदेशी निवेश, सुरक्षा सहयोग और आतंकवाद विरोधी अभियान प्रमुख एजेंडा हैं। दोनों देशों के बीच बुनियादी ढांचे, वित्त और ऊर्जा क्षेत्र में कई समझौतों पर भी चर्चा हो रही है। खबर लगातार अपडेट हो रही है….
PM Modi Indonesia visit 20 outcomes list: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की इंडोनेशिया की राजकीय यात्रा दोनों देशों के रणनीतिक और आर्थिक संबंधों के लिहाज से बेहद ऐतिहासिक साबित हुई है। जकार्ता में पीएम मोदी का भव्य स्वागत किया गया। इसके बाद उन्होंने इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो के साथ एक उच्च स्तरीय द्विपक्षीय वार्ता की। इस दौरान दोनों देशों ने आपसी द्विपक्षीय सहयोग को एक नई ऊंचाई पर ले जाने के लिए करीब एक दर्जन समझौतों पर हस्ताक्षर किए। इनमें क्रिटिकल मिनरल्स, टेक्नोलॉजी, खाद्य सुरक्षा, दवाएं और समुद्री सुरक्षा जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्र शामिल हैं।
वार्ता के बाद पीएम मोदी ने अपने बयान में कहा कि साल 2018 में हमने जो व्यापक रणनीतिक साझेदारी बनाई थी वह आज एक नई उड़ान भर रही है। हम विकास, सुरक्षा, प्रौद्योगिकी, संस्कृति और शिक्षा जैसे हर क्षेत्र में महत्वपूर्ण कदम आगे बढ़ा रहे हैं। उन्होंने पूरे भरोसे के साथ कहा कि आज से भारत-इंडोनेशिया साझेदारी का एक स्वर्ण अध्याय शुरू हो रहा है।
रक्षा, डिजिटल पेमेंट और इंफ्रास्ट्रक्चर में बड़े मील के पत्थर
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल द्वारा साझा किए गए आधिकारिक विवरण और पीटीआई की रिपोर्ट के मुताबिक इस यात्रा के दौरान कई बड़े और रणनीतिक ऐलान किए गए हैं।
सबांग पोर्ट का संयुक्त विकास: दोनों देश रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण साबांग पोर्ट का संयुक्त रूप से विकास करने पर सहमत हुए हैं। ये स्ट्रेट ऑफ मक्का के ठीक सामने स्थित है और भारत के ग्रेट निकोबार पोर्ट प्रोजेक्ट से महज 100 मील की दूरी पर है।
UPI और डिजिटल पेमेंट इंटीग्रेशन: भारत का डिजिटल पेमेंट सिस्टम UPI अब इंडोनेशिया के भुगतान सिस्टम के साथ इंटिग्रेट होने के लिए पूरी तरह तैयार है। इससे दोनों देशों के बीच व्यापार और यात्रा दोनों को बड़ा बढ़ावा मिलेगा।
ब्लू इकोनॉमी और समुद्री व्यापार: दोनों पक्षों ने ब्लू इकोनॉमी, समुद्री व्यापार और बंदरगाह विकास के क्षेत्रों में सहयोग को और मजबूत करने का निर्णय लिया है।
वैश्विक चुनौतियों पर चर्चा: दोनों नेताओं ने पश्चिम एशिया की स्थिति सहित विभिन्न वैश्विक चुनौतियों पर भी चर्चा की, जहां पीएम मोदी ने फिलिस्तीन के मुद्दे पर भारत के पुराने रुख को दोहराते हुए टू-स्टेट सॉल्यूशन और दीर्घकालिक शांति का समर्थन किया।
List of outcomes (20 in total) : State Visit of PM @narendramodi to Indonesia
— Randhir Jaiswal (@MEAIndia) July 7, 2026
पीएम मोदी की यात्रा के 20 टॉप आउटकम
यहां दोनों देशों के बीच हुए उन 20 महत्वपूर्ण समझौतों और निर्णयों की पूरी सूची दी गई है, जो इस यात्रा की सबसे बड़ी उपलब्धियां बनकर सामने आई हैं:
1- स्टील सप्लाई चेन और मिनरल्स सहयोग
समझौता: स्टील सप्लाई चेन के मिनरल्स और टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में सहयोग के लिए दोनों देशों के बीच एक समझौता ज्ञापन (MoU) हुआ है।
मायने: यह खनिज और खनन क्षेत्र में आपसी निवेश को बढ़ावा देगा। इसके साथ ही एडवांस्ड एक्सट्रैक्शन और प्रोसेसिंग तकनीकों तक पहुंच में सुधार होगा, संयुक्त अध्ययनों व परियोजनाओं को प्रोत्साहन मिलेगा और क्रिटिकल मिनरल सप्लाई चेन मजबूत होगी।
2- समुद्री सुरक्षा सहयोग का विस्तार
समझौता: मैरीटाइम सेफ्टी एंड सिक्योरिटी कोऑपरेशन पर MoU और इम्प्लीमेंटेशन अरेंजमेंट का विस्तार किया गया है।
मायने: इससे दोनों देशों के तटरक्षक बलों के बीच सहयोग और मजबूत होगा। मैरीटाइम डोमेन अवेयरनेस, सर्च एंड रेस्क्यू और क्षमता निर्माण में तालमेल बढ़ेगा जिससे इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में सुरक्षा और नौवहन की स्वतंत्रता को बढ़ावा मिलेगा।
3- रेयर अर्थ मैग्नेट्स का विकास
समझौता: भारत के NFTDC, मिडवेस्ट लिमिटेड और इंडोनेशिया के PT PERMINAS के बीच रेयर अर्थ मैग्नेट्स के विकास को लेकर MoU पर हस्ताक्षर हुए हैं।
मायने: यह कदम रेयर अर्थ्स (दुर्लभ तत्वों) और क्रिटिकल मिनरल्स के क्षेत्र में आपसी सहयोग को आगे बढ़ाएगा। इससे इस क्षेत्र की वैश्विक सप्लाय चेन में विविधता आएगी और अन्य देशों पर निर्भरता कम होगी।
4- ब्रह्मोस मिसाइल सिस्टम पर सहयोग
समझौता: इंडोनेशियाई सेना को ब्रह्मोस मिसाइल सिस्टम की आपूर्ति और इस पर सहयोग को लेकर दोनों देशों के बीच आधिकारिक सहमति बनी है।
मायने: यह रक्षा समझौता भारतीय रक्षा उद्योग की क्षमताओं को वैश्विक स्तर पर प्रदर्शित करता है। इससे आत्मनिर्भर भारत अभियान को बल मिलेगा और स्वदेशी रक्षा विनिर्माण के साथ-साथ नवाचार, वैश्विक प्रतिस्पर्धात्मकता और निर्यात को बढ़ावा मिलेगा।
5- एयर-टू-एयर मिसाइल सहयोग
समझौता: हवा से हवा में मार करने वाली मिसाइल सहयोग को लेकर दोनों देशों के बीच समझौता हुआ है। इसके तहत इंडोनेशिया भारत की अस्त्र मिसाइलों का आयात करेगा।
मायने: ऑपरेशन सिंदूर के दौरान इस भारतीय मिसाइल की अचूक सफलता को देखते हुए इंडोनेशियाई सेना ने इसे खरीदने का फैसला लिया है। यह समझौता भारत के रक्षा निर्यात और मेक इन इंडिया फॉर द वर्ल्ड के संकल्प को गति देगा, जिससे भारत के स्वदेशी मिसाइल विकास इकोसिस्टम को मजबूती मिलेगी।
6- स्टेनलेस-स्टील स्लैब विनिर्माण के लिए संयुक्त उद्यम
समझौता: स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया और इंडोनेशिया की पीटी क्रकाटाऊ स्टील के बीच इंडोनेशिया में स्टेनलेस-स्टील स्लैब विनिर्माण सुविधा स्थापित करने के लिए एक रणनीतिक संयुक्त उद्यम का गठन किया गया है।
मायने: यह साझा उत्पादन और आधुनिक तकनीक तक पहुंच को आगे बढ़ाएगा, जिससे युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे और यह ‘विकसित भारत’ के औद्योगिक लक्ष्यों में योगदान देगा।
7- अंतरिक्ष सहयोग समझौते का विस्तार
समझौता: शांतिपूर्ण उद्देश्यों के लिए बाहरी अंतरिक्ष के अन्वेषण और उपयोग में सहयोग पर चल रहे फ्रेमवर्क समझौते का विस्तार किया गया है।
मायने: यह कदम दोनों देशों के बीच संयुक्त अनुसंधान, प्रौद्योगिकी साझाकरण और क्षमता निर्माण को बढ़ावा देता है, जिससे भारत और इंडोनेशिया की तीन दशक पुरानी अंतरिक्ष साझेदारी और अधिक मजबूत होगी।
8- प्रंबानन मंदिर परिसर का संरक्षण और जीर्णोद्धार
समझौता: ऐतिहासिक प्रंबानन मंदिर परिसर के संरक्षण और जीर्णोद्धार के लिए भारत की तरफ से सहायता प्रदान की जाएगी।
मायने: विकास भी, विरासत भी के दृष्टिकोण के तहत, यह दोनों देशों के बीच साझा सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण को आगे बढ़ाता है और हेरिटेज कंजर्वेशन में भारत की वैश्विक विशेषज्ञता को प्रदर्शित करता है।
9- कृषि और संबद्ध क्षेत्रों में सहयोग
समझौता: कृषि और संबद्ध क्षेत्रों में व्यापक सहयोग के लिए एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए गए हैं।
मायने: यह टिकाऊ कृषि, फसलों और कृषि मशीनरी के क्षेत्र में सहयोग को आगे बढ़ाएगा, जिससे किसानों को सीधा लाभ पहुंचाने वाले संयुक्त अनुसंधान को बढ़ावा मिलेगा और खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित होगी।
10- चिकित्सा उत्पाद विनियमन में सहयोग
समझौता: भारत के CDSCO और इंडोनेशिया के BPOM के बीच चिकित्सा उत्पाद विनियमन के क्षेत्र में सहयोग के लिए MoU हुआ है।
मायने: यह वैश्विक नियामक मानकों और सर्वोत्तम प्रथाओं पर ज्ञान के आदान-प्रदान को सक्षम बनाएगा, जिससे भारतीय चिकित्सा उत्पादों पर भरोसा बढ़ेगा और इंडोनेशियाई बाजार में भारतीय दवाओं व उत्पादों की पहुंच आसान होगी।
11- आपदा प्रबंधन में आपसी सहयोग
समझौता: भारत के राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (NDMA) और इंडोनेशिया की नेशनल एजेंसी फॉर डिजास्टर मैनेजमेंट के बीच MoU हुआ है।
मायने: इससे रक्षा एक्सचेंजों, आपदा प्रबंधन और औद्योगिक सहयोग में आपसी समन्वय बेहतर होगा। यह समझौता आपदा प्रबंधन के क्षेत्र में सर्वोत्तम प्रथाओं के आदान-प्रदान, शुरुआती चेतावनी और जोखिम मूल्यांकन के लिए तकनीक-आधारित ऐप्लिकेशंस के उपयोग को बढ़ावा देगा।
12- दूरसंचार प्रौद्योगिकियों और सेवाओं में साझेदारी
समझौता: दूरसंचार प्रौद्योगिकियों और सेवाओं के क्षेत्र में सहयोग के लिए समझौता ज्ञापन हुआ है।
मायने: यह कदम वायरलेस और क्वांटम सिस्टम सहित उन्नत टेलीकॉम तकनीकों तक पहुंच में सुधार करेगा और दोनों देशों के बीच संयुक्त नवाचार और प्रौद्योगिकी के आदान-प्रदान को भी मजबूती प्रदान करेगा।
13- अनुसंधान, प्रौद्योगिकी और नवाचार सहयोग
समझौता: रिसर्च, टेक्नोलॉजी और इनोवेशन कोऑपरेशन पर दोनों देशों के बीच MoU हुआ है।
मायने: यह प्रमुख क्षेत्रों में सहयोग को सक्षम बनाकर भारत के इनोवेशन इकोसिस्टम को सुदृढ़ करेगा, जिससे ‘स्टार्टअप इंडिया मिशन’ सहित दोनों देशों के स्टार्टअप और नवाचार इकोसिस्टम को गति मिलेगी।
14- स्वास्थ्य कार्यबल सहयोग
समझौता: हेल्थ कार्यबल सहयोग पर कार्यान्वयन व्यवस्था लागू की गई है।
मायने: यह स्वास्थ्य पेशेवरों के लिए फेलोशिप कार्यक्रमों की सुविधा देगा और योग्य भारतीय स्वास्थ्य पेशेवरों को इंडोनेशिया में काम करने के अवसर व विशिष्ट चिकित्सा क्षेत्रों में व्यावहारिक नैदानिक प्रशिक्षण प्रदान करेगा।
15- समुद्री सुरक्षा के लिए इन्फोसेंटर में तैनाती
समझौता: भारत के IFC-IOR में एक इंडोनेशियाई संपर्क अधिकारी की तैनाती की जाएगी।
मायने: यह रणनीतिक कदम वास्तविक समय में समुद्री सूचनाओं के साझाकरण को बढ़ाएगा, जिससे हिंद महासागर क्षेत्र में द्विपक्षीय समुद्री सुरक्षा सहयोग को और अधिक मजबूती मिलेगी।
16- इंडोनेशिया को उच्च गुणवत्ता वाले गेहूं के बीजों की आपूर्ति
समझौता: भारत द्वारा इंडोनेशिया को 100 टन उच्च गुणवत्ता वाले ‘DWR 162’ गेहूं के बीजों की आपूर्ति की जाएगी।
मायने: यह कदम इंडोनेशिया और पूरे ग्लोबल साउथ की खाद्य सुरक्षा का मजबूती से समर्थन करता है और कृषि क्षेत्र में दोनों देशों के व्यापक जुड़ाव को दर्शाता है।
17- टैगोर-देवान्तारा सांस्कृतिक और शैक्षिक कूटनीति वर्ष
समझौता: ‘टैगोर-देवान्तारा सांस्कृतिक और शैक्षिक कूटनीति वर्ष’ के आयोजन की आधिकारिक घोषणा की गई है।
मायने: यह गुरुदेव रवींद्रनाथ टैगोर और इंडोनेशिया के की हजार देवान्तारा के साझा शैक्षिक दृष्टिकोण का उत्सव मनाता है। रवींद्रनाथ टैगोर की 1927 की इंडोनेशिया यात्रा के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में साल भर चलने वाले संयुक्त सांस्कृतिक, शैक्षिक और जन-दर-जन संपर्क कार्यक्रमों की शुरुआत की जाएगी।
18- इंडोनेशिया में IIM बैंगलोर का नया कैंपस
समझौता: इंडोनेशिया के सिंघासारी SEZ में भारतीय प्रबंधन संस्थान, बैंगलोर के एक ब्रांच कैंपस की स्थापना की जाएगी।
मायने: यह वैश्विक स्तर पर भारत की शैक्षणिक उत्कृष्टता को प्रदर्शित करता है और दुनिया भर में एक ‘नॉलेज हब’ के रूप में भारत की प्रतिष्ठा को और मजबूत करेगा।
19- डिजिटल कॉमर्स और पब्लिक इन्फ्रास्ट्रक्चर में सहयोग
समझौता: भारत के ओपन नेटवर्क फॉर डिजिटल कॉमर्स (ONDC) और इंडोनेशिया ओपन नेटवर्क (ION) के बीच सहयोग पर सहमति बनी है।
मायने: यह डिजिटल पब्लिक इन्फ्रास्ट्रक्चर (DPI) के क्षेत्र में सहयोग को बढ़ावा देगा, जिससे भारत के ONDC आर्किटेक्चर पर आधारित यह मॉडल आम लोगों के लिए डिजिटल सेवाओं को अधिक सुलभ, कुशल और समावेशी बनाएगा।
20- निर्वाचन आयोगों के बीच ऐतिहासिक समझौता
समझौता: भारत निर्वाचन आयोग (ECI) और इंडोनेशिया के सामान्य चुनाव आयोग (KPU) के बीच समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए गए हैं।
मायने: यह दोनों बड़े लोकतांत्रिक देशों के चुनाव निकायों के बीच ज्ञान, अनुभवों और सर्वोत्तम चुनावी प्रथाओं को साझा करने की सुविधा प्रदान करेगा, जिससे मानव संसाधन विकास और कुशल प्रशासनिक प्रथाओं के लिए तकनीक के उपयोग को आगे बढ़ाया जाएगा।
इंडोनेशिया में रक्षा, शिक्षा और आर्थिक सहयोग के इन तमाम ऐतिहासिक मील के पत्थरों को स्थापित करने के बाद, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व्यापार और सुरक्षा सहयोग को और आगे बढ़ाने के लिए अपने तीन देशों के इस दौरे के अगले चरणों के तहत ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड के लिए रवाना होंगे।
Indonesia’s highest civilian honour- Bintang Adipurna: इंडोनेशिया के आधिकारिक दौरे पर गए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को एक बहुत बड़ा अंतरराष्ट्रीय सम्मान मिला है। इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो ने मंगलवार को घोषणा की कि इंडोनेशिया ने पीएम नरेंद्र मोदी को रिपब्लिक ऑफ इंडोनेशिया के सर्वोच्च सम्मान बिंतंग आदिपूर्ण (Bintang Adipurna) से सम्मानित किया है। यह प्रतिष्ठित सम्मान प्रधानमंत्री मोदी को दोनों देशों के बीच मजबूत होते रिश्तों और जुड़ाव के लिए दिया गया है। इस ऐतिहासिक सम्मान के साथ ही भारत और इंडोनेशिया के बीच रक्षा, तकनीक और इंफ्रास्ट्रक्चर के क्षेत्र में कई बड़े और दूरगामी समझौतों पर भी मुहर लगी है।
क्या है Bintang Adipurna सम्मान? जानें इसका इतिहास और क्यों दिया जाता है
एएनआई की रिपोर्ट के मुताबिक Bintang Republik Indonesia (स्टार ऑफ द रिपब्लिक ऑफ इंडोनेशिया) यहां का सर्वोच्च नागरिक सम्मान है। इसे रिपब्लिक और वहां के लोगों के प्रति उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए नागरिकों और सैन्य कर्मियों दोनों को दिया जाता है। इस सर्वोच्च सम्मान को आधिकारिक तौर पर साल 1959 में स्थापित किया गया था।
क्यों दिया जाता है: यह इंडोनेशिया गणराज्य द्वारा प्रदान किए जाने वाले नागरिक और सैन्य सम्मान का सर्वोच्च शिखर है। यह प्रतिष्ठित सम्मान उन व्यक्तियों को दिया जाता है जिन्होंने इंडोनेशियाई राष्ट्र की अखंडता, निरंतरता, व्यवहार्यता और समृद्धि को सुरक्षित रखने के लिए असाधारण सेवा, समर्पण और महानता का प्रदर्शन किया हो।
पीएम मोदी ने जताया आभार
जकार्ता पहुंचने पर मिले बेहद गर्मजोशी भरे स्वागत के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इंडोनेशिया का आभार व्यक्त किया है। उन्होंने जकार्ता के राष्ट्रपति भवन इस्ताना मरदेका में अपनी अगवानी की कुछ झलकियां सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर भी साझा कीं। पीएम मोदी ने X पर लिखा कि इस्ताना मरदेका में गर्मजोशी भरे स्वागत के लिए धन्यवाद!
विदेश मंत्रालय के आधिकारिक प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने इस दौरे को लेकर कहा कि यह यात्रा भारत-इंडोनेशिया व्यापक रणनीतिक साझेदारी को आगे बढ़ाने में एक अत्यंत महत्वपूर्ण कदम है। विदेश मंत्रालय ने X पर एक पोस्ट में कहा कि यह यात्रा प्राथमिक क्षेत्रों में सहयोग के नए रास्ते खोलेगी, साथ ही दोनों देशों को बांधने वाले गहरे विश्वास, साझा मूल्यों और स्थायी मित्रता को और मजबूत करेगी।
इस दौरे से निकलेंगे बड़े नतीजे, इन 5 बड़े समझौतों पर लगी मुहर
एएनआई को सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक पीएम मोदी की इस इंडोनेशिया यात्रा के बेहद बड़े और ऐतिहासिक परिणाम सामने आने वाले हैं:
1- भारत के इलेक्शन मॉडल को मिला सपोर्ट
भारत के चुनाव प्रबंधन मॉडल को यहां एक बड़ा सपोर्ट हासिल हुआ है। इसी क्रम में भारत अब इंडोनेशिया की खास जरूरतों के मुताबिक वहां के लिए इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) डेवलप करने में मदद करेगा।
2- भारतीय अस्त्र (Astra) मिसाइल खरीदेगा इंडोनेशिया
ऑपरेशन सिंदूर में भारत की हवा से हवा में मार करने वाली मिसाइल क्षमता की अचूक सफलता साबित होने के बाद इंडोनेशिया ने अब भारत की अस्त्र मिसाइलों को आयात करने का बड़ा फैसला किया है। इसके साथ ही इंडोनेशिया अपने ब्रह्मोस मिसाइल के इन्वेंट्री बेस को भी बढ़ा रहा है। इस क्रम में भारत इंडोनेशिया को और अधिक मिसाइल बैटरियों के साथ सहयोग करेगा।
3- क्रिटिकल मिनरल सप्लाय चेन और स्टील में निवेश
क्रिटिकल मिनरल की सप्लाय चेन को मजबूत करने के लिए भारत अब इंडोनेशिया में स्टील, निकेल और रेयर अर्थ परमानेंट मैग्नेट्स के निर्माण में बड़ा निवेश करेगा।
4- साबांग पोर्ट (Sabang Port) का संयुक्त विकास
रणनीतिक रूप से सबसे महत्वपूर्ण डील के तहत भारत और इंडोनेशिया मिलकर संयुक्त रूप से साबांग पोर्ट का विकास करेंगे। यह बंदरगाह स्ट्रेट ऑफ मलक्का के ठीक सामने है। ये भारत के ग्रेट निकोबार पोर्ट प्रोजेक्ट से सिर्फ 100 मील की दूरी पर है।
Oberoi Realty Gurugram Project: भारत के रियल एस्टेट मार्केट से एक ऐसी खबर आई है जिसने सबको चौंका दिया है। आमतौर पर जब लोग घर खरीदने निकलते हैं, तो महीनों तक बजट, ईएमआई और लोकेशन का गुणा-भाग करते हैं। लेकिन दिल्ली-एनसीआर के गुरुग्राम में एक ऐसा वाकया हुआ है, जहां ₹18 करोड़ की शुरुआती कीमत वाले सुपर-लक्जरी अपार्टमेंट्स को खरीदने के लिए अमीर खरीदारों की लाइन लग गई।
मुंबई के दिग्गज रियल एस्टेट डेवलपर ओबेरॉय रियल्टी ने गुरुग्राम के मार्केट में कदम रखते ही इतिहास रच दिया है। कंपनी ने अपने पहले ही लक्जरी हाउसिंग प्रोजेक्ट की लॉन्चिंग के महज 7 दिनों के भीतर ₹8109 करोड़ की बंपर बुकिंग हासिल कर ली है। आइए जानते हैं इस मेगा डील की पूरी इनसाइड स्टोरी और आखिर ₹18 करोड़ वाले घर हाथों-हाथ कैसे बिक गए।
‘Three Sixty North’ का धमाका: आंकड़ों में समझिए यह मेगा सेल
ओबेरॉय रियल्टी ने शेयर बाजार को दी गई रेगुलेटरी फाइलिंग में इस ऐतिहासिक सफलता के आंकड़े साझा किए हैं। कंपनी ने 29 जून को दिल्ली-एनसीआर के बाजार में एंट्री मारी थी और रविवार को आए आंकड़ों ने पूरे रियल एस्टेट सेक्टर को हैरान कर दिया। इस प्रोजेक्ट के पहले फेज का पूरा रिपोर्ट कार्ड इस प्रकार है:
- प्रोजेक्ट का नाम थ्री सिक्सटी नॉर्थ (Three Sixty North)
- लोकेशन- गोल्फ कोर्स एक्सटेंशन रोड, गुरुग्राम
- कुल ग्रॉस बुकिंग- लगभग ₹8,109 करोड़
- शुरुआती कीमत- ₹18 करोड़ प्रति अपार्टमेंट
- बेसिक सेलिंग प्राइस- ₹35,000 प्रति स्क्वायर फीट
- कुल बेचा गया एरिया- 13.52 लाख वर्ग फुट (RERA कारपेट एरिया)
- पहले फेज में कुल यूनिट्स- 6 टावरों में कुल 832 अपार्टमेंट्स
आखिर ₹18 करोड़ के घर के लिए क्यों लगी लाइन? 3 बड़ी वजह
रियल एस्टेट एक्सपर्ट्स के मुताबिक, गुरुग्राम के इस प्रोजेक्ट के सुपर हिट होने के पीछे तीन सबसे बड़े कारण रहे हैं:
1. प्रीमियम ब्रांड वैल्यू और ट्रांसपोर्टेबिलिटी
ओबेरॉय रियल्टी मुंबई के अल्ट्रा-लक्जरी मार्केट का एक बहुत बड़ा नाम है। दिल्ली-एनसीआर के अमीर खरीदार लंबे समय से एक ऐसे डेवलपर का इंतजार कर रहे थे जिसका ट्रैक रिकॉर्ड साफ-सुथरा हो और जो समय पर इंटरनेशनल स्टैंडर्ड की डिलीवरी देता हो। ओबेरॉय रियल्टी के सीएमडी (CMD) विकास ओबेरॉय ने लॉन्च के वक्त कहा भी था, ‘हमें अब पूरा भरोसा है कि हमारा ब्रांड एनसीआर मार्केट में भी उतना ही मजबूत और भरोसेमंद साबित हुआ है।’
2. गोल्फ कोर्स एक्सटेंशन रोड की हॉट लोकेशन
यह प्रोजेक्ट गुरुग्राम के सबसे महंगे और तेजी से विकसित होते इलाके ‘गोल्फ कोर्स एक्सटेंशन रोड’ पर स्थित है। यह इलाका कॉरपोरेट हब्स, बेहतरीन कनेक्टिविटी और लक्जरी लाइफस्टाइल के लिए जाना जाता है। दिल्ली और इंदिरा गांधी इंटरनेशनल एयरपोर्ट (IGI) के नजदीक होने के कारण हाई-नेट-वर्थ इंडिविजुअल्स (HNIs) और कॉरपोरेट दिग्गजों के लिए यह पहली पसंद बन चुका है।
3. बड़े और आलीशान घरों की बढ़ती डिमांड
कोविड-19 महामारी के बाद से ही भारतीय रियल एस्टेट मार्केट में एक बड़ा बदलाव आया है। अब पैसे वाले लोग केवल निवेश के लिए नहीं, बल्कि खुद के रहने के लिए बड़े, सुरक्षित और वर्ल्ड-क्लास सुविधाओं वाले गेटेड कम्युनिटीज की तलाश कर रहे हैं। 14.8 एकड़ में फैले इस बड़े प्रोजेक्ट ने ठीक उसी जरूरत को पूरा किया है।
₹16,000 करोड़ की बंपर कमाई का है इरादा
विकास ओबेरॉय के मुताबिक, कंपनी इस पूरे प्रोजेक्ट पर करीब ₹6000 करोड़ का कुल निवेश करने जा रही है। जबकि इस पूरे प्रोजेक्ट से कंपनी को ₹16000 करोड़ का रेवेन्यू मिलने की उम्मीद है। पहले ही हफ्ते में ₹8109 करोड़ की बुकिंग करके कंपनी ने अपने आधे से ज्यादा के रेवेन्यू टारगेट को छू लिया है।
ओबेरॉय रियल्टी अब तक कुल 51 रियल एस्टेट प्रोजेक्ट्स की सफल डिलीवरी कर चुकी है, जो लगभग 17.3 मिलियन स्क्वायर फीट एरिया में फैले हैं। इसके अलावा, वर्तमान में कंपनी का 34 मिलियन स्क्वायर फीट से अधिक का एरिया निर्माणाधीन है।
Trent Stocks Crash: ट्रेंट का शेयर 7 जुलाई को बाजार खुलते ही क्रैश कर गया। इसकी वजह कंपनी का जून तिमाही का बिजनेस अपडेट्स हैं। यह बाजार की उम्मीद के मुकाबले कमजोर रहा। इसके बाद ब्रोकरेज ने कंपनी की ग्रोथ को लेकर अपने अनुमान में बदलाव किए। सुबह 10:17 बजे कंपनी का शेयर 11.09 फीसदी की गिरावट के साथ 2,973 रुपये पर चल रहा था। ट्रेंट टाटा समूह की कंपनी है।
जून तिमाही में उम्मीद से कमजोर प्रदर्शन
Trent ने बताया है कि जून तिमाही में उसका स्टैंडएलोन रेवेन्यू साल दर साल आधार पर 19 फीसदी बढ़ा है। इस दौरान के वेस्टसाइड और जूडियो फॉरमैट में इजाफा हुआ, लेकिन यह एनालिस्ट्स की उम्मीद से कम है। कंपनी के नए स्टोर की संख्या भी उम्मीद के मुकाबले कम रही। कंपनी का स्टैंडएलोन रेवेन्यू जून तिमाही में 5,666 करोड़ रुपये रहा। एक साल पहले की समान अवधि में यह 4,781 करोड़ रुपये था।
नए स्टोर की संख्या भी एनालिस्ट्स की उम्मीद से कम
इस साल जून तिमाही के अंत में कंपनी के स्टोर की संख्या 1,312 थी। इसमें वेस्टसाइट के 301 आउटलेट्स, जूडियो के 982 आउलेट्स और दूसरे लाइफस्टाइल फॉरमैट्स के 29 स्टोर शामिल हैं। ब्रोकरेज फर्मों का मानना है कि ट्रेंट का जून तिमाही का अपडेट उम्मीद के मुकाबले कमजोर हैं। रेवेन्यू भी उम्मीद से कम है। नए स्टोर की संख्या भी उम्मीद से कम है। नए स्टोर की संख्या के लिहाज से यह सबसे कमजोर तिमाही है।
आगे के प्रदर्शन को लेकर एनालिस्ट्स की एक राय नहीं
आगे ट्रेंट के शेयरों के प्रदर्शन को लेकर एनालिस्ट्स की राय बंटी हुई है। कुछ एनालिस्ट्स का कहना है कि कंपनी का फोकस वेस्टसाइट और जूडियो के स्टोर की संख्या बढ़ाने पर बना हुआ है। इससे लंबी अवधि में कंपनी की ग्रोथ अच्छी रह सकती है। आगे मार्जिन में भी इम्प्रूवमेंट दिख सकता है। लेकिन, कुछ एनालिस्ट्स का कहना है कि वैल्यू-फैशन सेगमेंट में प्रतियोगिता बढ़ रही है। कंपनी के स्टोर्स की प्रोडक्टविटी भी कम है। इसका असर कंपनी की ग्रोथ पर पड़ सकता है।
एचएसबीसी को रेवेन्यू ग्रोथ 21 फीसदी रहने का अनुमान
एचएसबीसी ने जून तिमाही में कंपनी की रेवेन्यू ग्रोथ करीब 21 फीसदी रहने का अनुमान जताया था। बर्नस्टीन का मानना था कि वेस्टसाइड स्टोर्स की संख्या बढ़ाने से कंपनी की ग्रोथ पर पॉजिटिव असर पड़ सकता है। मार्च तिमाही में कंपनी का कंसॉलिडेटेड नेट प्रॉफिट साल दर साल आधार पर 26 फीसदी बढ़ा था। बीते एक साल में कंपनी का शेयर करीब 19 फीसदी फिसला है।
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7 जुलाई को शेयर बाजार के प्रमुख सूचकांकों में तेजी
7 जुलाई को शेयर बाजारों में तेजी दिखी। निफ्टी 0.22 फीसदी यानी 52 अंक चढ़कर 24,485 पर चल रहा था। सेंसेक्स भी 0.26 फीसदी यानी 206 अंक की तेजी के साथ 78,499 पर था। बैंक निफ्टी में भी 0.23 फीसदी की तेजी दिखी। मिडकैप शेयरों में कमजोरी दिखी। आज लगातार पांचवां दिन है, जब शेयर बाजारों में तेजी दिख रही है।
Gold Silver price Today: इंटरनेशनल मार्केट में मंगलवार (7 जुलाई) को शुरुआती कारोबार में सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट आई। पिछले हफ्ते निवेशकों के US मॉनेटरी पॉलिसी और बड़े मार्केट डेवलपमेंट के आउटलुक का आकलन करने के बाद मजबूत रिकवरी के बाद कुछ गिरावट आई।
COMEX सोना $4,152 प्रति औंस पर ट्रेड कर रहा था, जो $15.50 या 0.37% नीचे था, जबकि दिन में यह $4,179.50 प्रति औंस के हाई लेवल को छू गया था। COMEX चांदी $62.59 प्रति औंस के सेशन हाई लेवल को छूने के बाद 0.89% गिरकर $61.775 प्रति औंस पर आ गई।यह गिरावट पिछले हफ्ते बुलियन की कीमतों में तेज तेजी के बाद आई है।
उम्मीद से कमजोर US जॉब्स डेटा के बाद कमजोर US डॉलर के सपोर्ट से सोना लगभग 2% बढ़ा, जबकि चांदी लगभग 5% बढ़ी, जिससे उम्मीद बढ़ी कि US फेडरल रिजर्व इंटरेस्ट रेट्स पर कम एग्रेसिव रवैया अपना सकता है।
रिद्धिसिद्धि बुलियंस के मैनेजिंग डायरेक्टर और इंडिया बुलियन एंड ज्वैलर्स एसोसिएशन (IBJA) के प्रेसिडेंट पृथ्वीराज कोठारी के मुताबिक, बुलियन को होर्मुज स्ट्रेट के आसपास जियोपॉलिटिकल टेंशन से सपोर्ट मिला, जबकि गोल्ड एक्सचेंज-ट्रेडेड फंड्स में कमजोर इनफ्लो के बावजूद सेंट्रल बैंक की लगातार खरीदारी ने एक्स्ट्रा सपोर्ट दिया।
कोठारी ने कहा कि हाल के निचले लेवल से गोल्ड का रिबाउंड तेज रहा है, जिससे बड़े लेवल पर अपट्रेंड शुरू होने से पहले शॉर्ट-टर्म पुलबैक मुमकिन है। उन्होंने कहा कि सिल्वर में भी हाल की रैली के बाद कुछ कंसोलिडेशन देखने को मिल सकता है, इससे पहले कि वह एक और ऊपर जाने की कोशिश करे।
मार्केट पार्टिसिपेंट्स अब इंटरेस्ट रेट के रास्ते के बारे में सुराग के लिए नए इकोनॉमिक डेटा और US फेडरल रिजर्व से सिग्नल का इंतज़ार कर रहे हैं। कम इंटरेस्ट रेट्स आमतौर पर गोल्ड जैसे नॉन-यील्डिंग एसेट्स को सपोर्ट करते हैं, क्योंकि उन्हें रखने की अपॉर्चुनिटी कॉस्ट कम हो जाती है।
इस बीच, इन्वेस्टर्स ग्लोबल कमोडिटी मार्केट्स में हो रहे डेवलपमेंट्स पर भी नज़र रख रहे हैं।
मंगलवार (7 जुलाई) को तेल की कीमतें बढ़ीं, हालांकि बढ़त सीमित रही क्योंकि ट्रेडर्स ने ग्लोबल डिमांड के आउटलुक के मुकाबले OPEC+ प्रोड्यूसर्स से बढ़ी सप्लाई पर विचार किया। कच्चे तेल के बाज़ार में मजबूती से महंगाई की उम्मीदों पर असर पड़ सकता है, जिससे सोने जैसे सेफ़-हेवन एसेट्स की मांग पर असर पड़ सकता है।
इसके अलावा, भारत में गोल्ड-बैक्ड फ़ाइनेंसिंग की मांग मज़बूत बनी हुई है। हाल ही में आई CRISIL रेटिंग्स की रिपोर्ट के मुताबिक, अप्रैल-जून तिमाही में गोल्ड लोन सबसे बड़ा सिक्योरिटाइज़्ड एसेट क्लास बनकर उभरा, जो देश के सिक्योरिटाइज़ेशन वॉल्यूम का लगभग 31% था, और इसने व्हीकल लोन को पीछे छोड़ दिया।
रिपोर्ट में इस ट्रेंड का कारण गोल्ड लोन पोर्टफोलियो में मजबूत ग्रोथ को बताया गया है, जिसमें NBFC लगातार क्रेडिट मांग के बीच फ़ंड जुटाने के लिए सिक्योरिटाइज़ेशन का इस्तेमाल तेजी से कर रहे हैं।
Gold Silver price: इंटरनेशनल मार्केट में सोने की कीमतें 2 हफ्ते के ऊंचे स्तर पर रही स्थिर
(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।
Stocks to Watch: वैश्विक बाजारों से मिले-जुले रुझानों के बीच आज गिफ्ट निफ्टी से घरेलू मार्केट में हल्की बढ़त के साथ शुरुआत के संकेत मिल रहे हैं। गिफ्ट निफ्टी फिलहाल 9.50 प्वाइंट्स यानी 0.04% की हल्की बढ़त के साथ 24,501.50 पर है। चूंकि आज निफ्टी की वीकली एक्सपायरी है तो मार्केट में तेज हलचल दिख सकती है। एक कारोबारी दिन पहले 06 जुलाई को सेंसेक्स (Sensex) 521.16 प्वाइंट्स यानी 0.67% की बढ़त के साथ 78,285.07 और निफ्टी 50 (Nifty 50) भी 159.50 प्वाइंट्स यानी 0.66% के उछाल के साथ 24,430.35 पर बंद हुआ था। अब आज इंडिविजुअल स्टॉक्स की बात करें तो अपनी खास कॉरपोरेट एक्टिविटीज के चलते कुछ स्टॉक्स में तेज हलचल दिख सकती है। यहां इन शेयरों के बारे में डिटेल्स दी जा रही है।
आज आएंगे रिजल्ट
चंबल ब्रूअरीज एंड डिस्टिलरीज आज कारोबारी नतीजे पेश करेगी।
तिमाही कारोबारी अपडेट
Titan Company Q1 (YoY)
जून 2026 तिमाही में सालाना आधार पर टाइटन कंपनी का घरेलू बिजनेस 37%, इंटरनेशनल बिजनेस 128%, कंज्यूमर बिजनेस 41%, घड़ियों का बिजनेस 23% और आईकेयर बिजनेस 23% की रफ्तार से बढ़ा। इसके अलावा कंपनी का एमर्जिंग बिजनेस 19% और ज्वैलरी बिजनेस भी जून तिमाही में सालाना आधार पर 39% की रफ्तार से बढ़ा। जून तिमाही में कंपनी ने देश में 76 और देश के बाहर 1 स्टोर खुला और अब इसके कुल 3680 स्टोर्स हो गए हैं।
Trent Q1 (YoY)
जून तिमाही में सालाना आधार पर ट्रेंट का स्टैंडएलोन रेवेन्यू 19% बढ़कर ₹5,666 करोड़ पर पहुंच गया। कंपनी ने जून तिमाही में 1 वेस्टसाइज स्टोर और 19 जूडियो स्टोर खोला और अब इसके पास कुल 1312 स्टोर्स हैं।
Jubilant FoodWorks Q1 (YoY)
जून 2026 तिमाही में सालाना आधार पर जुबिलैंट फूडवर्क्स का कंसालिडेटेड रेवेन्यू 14.1% की रफ्तार से बढ़कर ₹2,569.3 करोड़, स्टैंडएलोन रेवेन्यू 9.2% बढ़कर ₹1,848.5 करोड़ पर पहुंच गया। डोमिनोज इंडिया की लाइक-फॉर-लाइक ग्रोथ 2.5% रही और कंपनी ने जून तिमाही में 76 स्टोर्स जोड़े जिसके बाद इसके 3712 स्टोर्स हो गए।
Stocks to Watch: इन स्टॉक्स पर भी रहेगी नजर
Hexaware Technologies
हेक्सावेयर टेक्नोलॉजीज ने अमेरिकी मार्केट में लिस्टेड स्मार्टरेंट के साथ एक स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप का ऐलान किया है।
Torrent Pharmaceuticals
नेशनल कंपनी लॉ ट्रिब्यूनल (NCLT), अहमदाबाद ने जेबी केमिकल्स एंड फार्मा के टोरेंट फार्मा के साथ विलय को मंजूरी दे दी है। अब विलय की यह योजना RoC (रजिस्ट्रार ऑफ कंपनीज) के पास ऑर्डर की सर्टिफाइड कॉपी जमा करने के बाद लागू होगी।
Varun Beverages
वरुण बेवरेजेज की सब्सिडियरी VBL इंडस्ट्रीज (केन्या) ने देवयानी फूड इंडस्ट्रीज (केन्या) के वैल्यू-एडेड डेयरी बेवरेजेज, जूस और पैकेज्ड ड्रिंकिंग वॉटर बिजनेस को $3.2 करोड़ (₹305 करोड़) में खरीदने के लिए एक एग्रीमेंट किया है।
Blue Jet Healthcare
ब्लू जेट हेल्थकेयर ने 6 जुलाई को अपना QIP इश्यू प्रति शेयर ₹531.7 के भाव पर लॉन्च किया। कंपनी फ्लोर प्राइस पर 5% का डिस्काउंट भी दे सकती है।
Concord Enviro Systems
अनीश गोएल ने कॉनकार्ड एंवायरो सिस्टम्स के सीएफओ पद से इस्तीफा दे दिया है जो 21 जुलाई को प्रभावी होगा।
RITES
राइट्स को दक्षिण अफ्रीका की वोलांटिस एसेट फाइनेंस से 4,000 HP के केप गेज डीजल-इलेक्ट्रिक लोकोमोटिव की सप्लाई और कमीशनिंग के लिए $3.58 करोड़ का ऑर्डर मिला है।
TANFAC Industries
टैनफैक इंडस्ट्रीज के बोर्ड ने प्रति शेयर ₹2,341 के भाव पर 7.41 लाख इक्विटी शेयरों के ₹173.5 करोड़ के प्रेफरेंशियल इश्यू को मंजूरी दी है। प्रस्तावित प्रेफरेंशियल इश्यू में प्रमोटर अनुपम रसायन इंडिया का ₹135 करोड़ का निवेश शामिल है, और बाकी हिस्सा एलरॉक्स एंटरप्राइजेज, विवेक जैन (एक्शन ग्रुप) और तत्वम ट्रेड (निवेशाय इन्वेस्टमेंट्स)जैसे इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स सब्सक्राइब करेंगे।
Cochin Shipyard
कोचीन शिपयार्ड का ऑफर फॉर सेल विंडो आज खुल रहा जिसमें फ्लोर प्राइस प्रति शेयर ₹1,400 तय किया गया है। सरकार इस इश्यू के जरिए कंपनी में 5.04% हिस्सेदारी बेचेगी।
बल्क डील्स
Karnika Industries
सेजवन (SageOne) ने अपने फ्लैगशिप और कैटेगरी III अल्टरनेटिव इन्वेस्टमेंट फंड (AIF) ग्रोथ ओई फंड के जरिए कोलकाता की कर्णिका इंडस्ट्रीज के 19.91 लाख शेयर (3.2% हिस्सेदारी) ₹18.18 करोड़ में प्रति शेयर ₹91.33 के भाव पर खरीदे हैं।
Agarwal Toughened Glass India
इन्वेस्टमेंट मैनेजमेंट फर्म ग्रीन पोर्टफोलियो ने प्रति शेयर ₹137.74 के भाव पर अग्रवाल टफन्ड ग्लास इंडिया के 92,400 शेयर (0.52% हिस्सेदारी) ₹1.27 करोड़ तो द गोल्डन बर्ड इन्वेस्टमेंट ट्रस्ट-I ने प्रति शेयर ₹138.61 के भाव पर ₹2.86 करोड़ में 2.06 लाख शेयर (1.16% हिस्सेदारी) खरीदे। वहीं दूसरी तरफ वीपीके ग्लोबल वेंचर्स फंड-स्कीम 1 ने प्रति शेयर ₹139.52 के भाव पर ₹2.09 करोड़ में 1.5 लाख शेयर (0.84% हिस्सेदारी) बेचे। मार्च 2026 तक इस फंड के पास अग्रवाल टफन्ड ग्लास इंडिया में 3.18% होल्डिंग थी।
लिस्टिंग
आज तेजा इंजीनियरिंग और विनीत मोबाइल के शेयरों की एनएसई एसएमई पर एंट्री होगी तो संपर्क इंडिया लॉजिस्टिक्स, सीमैक्स रिसोर्सेज, अथर्व पॉलीप्लास्ट, और तेजा इंजीनयरिंग इंडस्ट्रीज के शेयर बीएसई एसएमई पर लिस्ट होंगे।
एक्स-डेट
आज सन फार्मा, जेएसडब्ल्यू स्टील, सेरा सैनिटीवेयर, डोडला डेयरी और एलकेपी सिक्योरिटीज के शेयर आज एक्स-डिविडेंड ट्रेड करेंगे।
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डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।
Aaj Ka Rashifal: अंक ज्योतिष के अनुसार, हर इंसान की जन्मतिथि का अपना खास महत्व होता है। ये न सिर्फ उनके स्वभाव और व्यक्तित्व को बताता है, बल्कि उनके भविष्य के बारे में भी संकेत देती है। आज के दिन नए अवसर आपके सामने आ सकते हैं। अगर किसी नए प्रोजेक्ट या निवेश के बारे में सोच रहे हैं तो पहले पूरी जानकारी जरूर लें। जल्दबाजी से बचें और केवल उन्हीं योजनाओं में पैसा लगाएं जो लंबे समय तक लाभ दे सकें। आइए जानते हैं कैसा होगा मूलांक 1 से 9 तक के लोगों का दिन
मूलांक 1
अगर आपका जन्म 1, 10, 19 या 28 तारीख को हुआ है, तो आज का दिन आर्थिक मामलों में आपके लिए शुभ रहने वाला है। भविष्य को ध्यान में रखकर बनाई गई योजनाएं फायदा दे सकती हैं। अपने बजट और बचत की समीक्षा करें। बिना जरूरत खर्च करने से बचें और ऐसे फैसले लें जो आने वाले समय में आर्थिक मजबूती दें।
मूलांक 2
अगर आपका जन्म 2, 11, 20 या 29 तारीख को हुआ है, तो आज आपको नए अवसर मिल सकते हैं, खासकर तकनीक और नए कामों से जुड़े क्षेत्रों में। जल्दबाजी में कोई फैसला न लें। लंबी अवधि के निवेश पर ध्यान दें और किसी भी योजना को अच्छी तरह समझने के बाद ही आगे बढ़ें। धैर्य से काम लेने पर लाभ मिलेगा।
मूलांक 3
अगर आपका जन्म 3, 12, 21 या 30 तारीख को हुआ है, तो आज नए निवेश या बड़े खर्च से बचना बेहतर रहेगा। यह समय अपनी आर्थिक स्थिति को समझने और भविष्य की योजनाओं को व्यवस्थित करने का है। सोच-समझकर लिए गए फैसले आगे चलकर आपके लिए फायदेमंद साबित होंगे।
मूलांक 4
अगर आपका जन्म 4, 13, 22 या 31 तारीख को हुआ है, तो आर्थिक दृष्टि से दिन अच्छा रहेगा। भविष्य के लिए नई योजना बनाने का सही समय है। अपने खर्चों पर नियंत्रण रखें और बचत बढ़ाने पर ध्यान दें। समझदारी से लिया गया फैसला आपकी आर्थिक स्थिति को मजबूत करेगा।
मूलांक 5
अगर आपका जन्म 5, 14 या 23 तारीख को हुआ है, तो आज नए अवसर आपके सामने आ सकते हैं। अगर किसी नए प्रोजेक्ट या निवेश के बारे में सोच रहे हैं तो पहले पूरी जानकारी जरूर लें। जल्दबाजी से बचें और केवल उन्हीं योजनाओं में पैसा लगाएं जो लंबे समय तक लाभ दे सकें।
मूलांक 6
अगर आपका जन्म 6, 15 या 24 तारीख को हुआ है, तो आज का दिन सोच-विचार करने का है। बड़े आर्थिक फैसले फिलहाल टाल दें। अपनी बचत, खर्च और भविष्य की योजनाओं पर ध्यान दें। सही योजना बनाकर आगे बढ़ेंगे तो आने वाले समय में आर्थिक स्थिति बेहतर होगी।
मूलांक 7
अगर आपका जन्म 7, 16 या 25 तारीख को हुआ है, तो आर्थिक मामलों में आज का दिन आपके पक्ष में रहेगा। अपने बजट और निवेश की समीक्षा करें। अनावश्यक खर्चों से दूरी बनाएं और भविष्य के लिए मजबूत वित्तीय योजना तैयार करें। आज की समझदारी आगे अच्छा लाभ दिला सकती है।
मूलांक 8
अगर आपका जन्म 8, 17 या 26 तारीख को हुआ है, तो आज आपको नए काम या निवेश के अवसर मिल सकते हैं। खासकर तकनीक और नए बिजनेस से जुड़े लोगों के लिए दिन अच्छा है। हालांकि, किसी भी फैसले में जल्दबाजी न करें। सही योजना और धैर्य से काम करेंगे तो भविष्य सुरक्षित रहेगा।
मूलांक 9
अगर आपका जन्म 9, 18 या 27 तारीख को हुआ है, तो आज आर्थिक मामलों में सावधानी बरतने की जरूरत है। बड़े निवेश या भारी खर्च करने से बचें। अपने भविष्य के लक्ष्यों पर ध्यान दें और लंबी अवधि की वित्तीय योजना बनाएं। सोच-समझकर लिया गया फैसला आने वाले समय में लाभ देगा।
डिस्क्लेमर: इस लेख की सामग्री पूरी तरह से ज्योतिषीय भविष्यवाणियों पर आधारित है। हम इसकी सत्यता और सटीकता का पूरी तरह दावा नहीं करते। यहां दी गई किसी भी जानकारी के आधार पर कोई वित्तीय, स्वास्थ्य या व्यावसायिक निर्णय लेने से पहले योग्य विशेषज्ञ से परामर्श अवश्य करें।
सऊदी अरब ने एशियाई ग्राहकों के लिए बड़ा दांव खेला है। सरकारी तेल कंपनी Saudi Aramco ने अगस्त के लिए अपने सबसे ज्यादा बिकने वाले Arab Light Crude की कीमत में 11 डॉलर प्रति बैरल की कटौती कर दी है। यह कम से कम 26 साल में सबसे बड़ी कटौती मानी जा रही है।
अब कंपनी एशिया के ग्राहकों को Arab Light क्षेत्रीय बेंचमार्क के मुकाबले 1.50 डॉलर प्रति बैरल की छूट पर बेचेगी। दिलचस्प बात यह है कि Bloomberg के सर्वे में एनालिस्टों ने औसतन 8 डॉलर प्रति बैरल की कटौती का अनुमान लगाया था। लेकिन Saudi Aramco ने उससे भी बड़ी कटौती कर दी।
आखिर कीमत घटाने की जरूरत क्यों पड़ी?
इसकी सबसे बड़ी वजह है कच्चे तेल की बढ़ती सप्लाई। जून के बीच से ही तेल की कीमतों में लगातार गिरावट आ रही है। इस दौरान अमेरिका और ईरान के बीच संघर्षविराम हुआ। इसके बाद Strait of Hormuz से जहाजों की आवाजाही फिर सामान्य होने लगी।
जब तेल की सप्लाई आसान हुई, तो बाजार में कीमतों पर दबाव बढ़ गया। इसी का असर Brent Crude पर भी दिखा। इसकी कीमत गिरकर करीब 72 डॉलर प्रति बैरल पर आ गई। यानी लगभग वहीं, जहां यह फरवरी के आखिर में थी।
मिडिल ईस्ट से तेजी से बढ़ रही है सप्लाई
मध्य पूर्व से अब पहले के मुकाबले ज्यादा तेल बाजार में आ रहा है। युद्ध के दौरान Saudi Aramco ने फारस की खाड़ी के Ras Tanura बंदरगाह से निर्यात कम कर दिया था। उस समय कंपनी ने ज्यादातर तेल Yanbu बंदरगाह के जरिए भेजा था, क्योंकि Strait of Hormuz में आवाजाही बुरी तरह प्रभावित थी।
अब हालात बदल चुके हैं। समुद्री यातायात फिर सामान्य हो रहा है। ऐसे में Aramco ने Ras Tanura से भी निर्यात बढ़ा दिया है। एक समय यह युद्ध शुरू होने से पहले के स्तर के करीब 90% तक पहुंच गया।
OPEC+ ने भी बढ़ाया उत्पादन
तेल बाजार पर दबाव बढ़ने की एक और वजह OPEC+ का फैसला है। इस समूह की अगुवाई सऊदी अरब और रूस कर रहे हैं। OPEC+ ने अगस्त के लिए एक बार फिर उत्पादन बढ़ाने का फैसला किया है।
युद्ध के दौरान कई खाड़ी देशों के लिए उत्पादन बढ़ाना आसान नहीं था, क्योंकि Hormuz के रास्ते तेल भेजने में दिक्कत थी। अब समुद्री रास्ता सामान्य हो रहा है। ऐसे में सऊदी अरब, इराक और कुवैत जैसे देश अपने बढ़े हुए उत्पादन कोटे का पूरा फायदा उठा सकेंगे।
एनालिस्टों का मानना है कि OPEC+ के इस फैसले से साफ संकेत मिलता है कि फिलहाल संगठन अपने सदस्य देशों को ज्यादा तेल निकालने से नहीं रोकना चाहता। अगर सप्लाई इसी तरह बढ़ती रही, तो आने वाले महीनों में कच्चे तेल की कीमतों पर दबाव बना रह सकता है।
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Disclaimer: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए सलाह या विचार एक्सपर्ट/ब्रोकरेज फर्म के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदायी नहीं है। यूजर्स को मनीकंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले हमेशा सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।
Stocks to Watch: शेयर बाजार में 7 जुलाई को कई स्टॉक्स खबरों के चलते फोकस में रह सकते हैं। इनमें कुछ कंपनियों ने जून तिमाही के मजबूत बिजनेस अपडेट जारी किए हैं। कुछ ने अधिग्रहण, मर्जर, फंड जुटाने और नई साझेदारी जैसे बड़े ऐलान किए हैं। इन कंपनियों के शेयरों में हलचल देखने को मिल सकती है।
Cochin Shipyard
सरकारी शिपबिल्डिंग कंपनी Cochin Shipyard में सरकार OFS के जरिए हिस्सेदारी बेचेगी। पहले 2.52% हिस्सेदारी बिक्री के लिए लाई जाएगी। ज्यादा मांग होने पर इतनी ही अतिरिक्त हिस्सेदारी भी बेची जा सकती है। OFS का फ्लोर प्राइस 1,400 रुपये प्रति शेयर रखा गया है। 7 जुलाई को गैर-रिटेल और 8 जुलाई को रिटेल निवेशक बोली लगा सकेंगे।
Tata Motors PV
टाटा ग्रुप की ऑटो कंपनी Tata Motors Passenger Vehicles Ltd ने जून तिमाही में शानदार प्रदर्शन किया। Punch और Nexon का प्रोडक्शन 80,001 से बढ़कर 1,17,711 यूनिट हो गया। Curvv और Sierra की बिक्री 8,272 यूनिट से बढ़कर 25,150 यूनिट पहुंच गई। यानी लगभग तीन गुना बढ़ोतरी हुई।
Trent
टाटा ग्रुप की रिटेल कंपनी Trent Ltd ने जून तिमाही में अच्छा कारोबार किया है। कंपनी का स्टैंडअलोन रेवेन्यू सालाना आधार पर 19% बढ़ा है। इस ग्रोथ की सबसे बड़ी वजह Westside और Zudio स्टोर्स का लगातार विस्तार रहा।
Torrent Pharmaceuticals
फार्मा कंपनी Torrent Pharmaceuticals को कानूनी राहत मिली है। NCLT की अहमदाबाद बेंच ने JB Chemicals & Pharmaceuticals के कंपनी में विलय को मंजूरी दे दी है। अब दोनों कंपनियों के मर्जर की प्रक्रिया आगे बढ़ सकेगी।
Tata Motors Passenger Vehicles
ऑटो कंपनी Tata Motors Passenger Vehicles Ltd ने जून तिमाही में अपने ज्यादातर पैसेंजर व्हीकल मॉडल्स की बिक्री और प्रोडक्शन बढ़ाया है। कंपनी के मुताबिक, Punch, Nexon, Curvv, Sierra, Safari और Harrier जैसे मॉडल्स की मांग मजबूत रही।
Varun Beverages
एफएमसीजी कंपनी Varun Beverages Ltd ने केन्या में बड़ा अधिग्रहण किया है। कंपनी की इकाई VBL Industries (Kenya) Ltd ने Devyani Food Industries (Kenya) Ltd के डेयरी ड्रिंक्स, जूस और पैकेज्ड ड्रिंकिंग वॉटर कारोबार को खरीदने का समझौता किया है। इस डील की कीमत 3.2 करोड़ डॉलर, यानी करीब 305 करोड़ रुपये है।
Titan
टाटा ग्रुप की ज्वेलरी कंपनी Titan Company Ltd ने जून तिमाही में दमदार कारोबार किया है। कंपनी के कंज्यूमर बिजनेस में 41% की ग्रोथ दर्ज की गई। ज्वेलरी बिजनेस 39% बढ़ा। घड़ियों और आईकेयर कारोबार में भी 23-23% की बढ़ोतरी रही। कंपनी ने इस दौरान 77 नए स्टोर भी खोले।
Hexaware Technologies
आईटी सर्विसेज कंपनी Hexaware Technologies Ltd ने SmartRent Inc. के साथ नई साझेदारी की है। दोनों कंपनियां मिलकर AI आधारित सॉल्यूशंस तैयार करेंगी। इनकी मदद से कस्टमर ऑपरेशंस और रेवेन्यू से जुड़े कामों को ज्यादा तेज और स्मार्ट बनाया जाएगा।
PNB Housing Finance
हाउसिंग फाइनेंस कंपनी PNB Housing Finance का बोर्ड 10 जुलाई को बैठक करेगा। इस बैठक में नॉन-कन्वर्टिबल डिबेंचर (NCDs) के जरिए फंड जुटाने के प्रस्ताव पर विचार किया जाएगा। अगर बोर्ड मंजूरी देता है, तो कंपनी बॉन्ड जारी कर पूंजी जुटा सकती है।
Blue Jet Healthcare
फार्मा कंपनी Blue Jet Healthcare ने ग्रोथ के लिए 600 करोड़ रुपये का क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल प्लेसमेंट (QIP) लॉन्च किया है। इश्यू का सांकेतिक भाव 506 रुपये प्रति शेयर रखा गया है, जो सोमवार के बंद भाव 572 रुपये से करीब 10% कम है। कंपनी ने SEBI के नियमों के तहत 531.70 रुपये प्रति शेयर का फ्लोर प्राइस भी तय किया है।
Cochin Shipyard OFS : डिफेंस कंपनी में हिस्सेदारी बेचेगी सरकार, 7% डिस्काउंट पर है फ्लोर प्राइस
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