Mercedes’ 140th year transcontinental journey to come to India

Mercedes S-Class 140 Years 140 Places

Mercedes-Benz is bringing its ‘140 Years.140 Places’ transcontinental journey to India in July 2026. The luxury carmaker is undertaking this journey to celebrate 140 years since Carl Benz filed the patent for the world’s first car- the Patent-Motorwagen- thereby marking its own 140th anniversary. The journey has already passed through Europe, South America, North America, South-East Asia, Australia & New Zealand, and is now on its way to India.  

Mercedes 140 Years. 140 Places transcontinental journey: Additional details 

Mercedes-Benz has been undertaking a worldwide road trip, visiting 140 locations to mark its anniversary year. The carmaker is utilising the recently updated S-Class, its flagship sedan, for this journey. Three S-Class models have been on this trip since January 29, 2026, covering 60,000 kilometres, crossing 55 countries, and travelling across six continents. The carmaker says that the India leg of the journey will “celebrate the diverse places, people, myriad experiences and novel ideas that shape the world around us, documenting through key engagements across the route, the landscapes, traditions and innovations that make each destination unique.”

Each of the three S-Class models has been given a special name – Gotlieb (after Gottlieb Daimler, who made the first petrol-fuelled internal combustion engine), Carl (after Carl Benz, the maker of the world’s first car, Patent-Motorwagen), and Bertha (after Bertha Benz, the world’s first person to perform a long-distance car trip). The models will travel along two routes across India. 

Gotlieb will begin from New Delhi and make its way to Amritsar. From Amritsar, it will move toward Jammu and Kashmir, then on to Ladakh. This S-Class will also travel on Himalayan roads, including Umling La, the highest motorable pass in the world, and then head towards Manali. It will also move eastward through well-known places like Lucknow, Varanasi and Patna, and explore Bhutan before concluding its trip in New Delhi

Though starting from New Delhi together with Gotlieb, Carl and Bertha will voyage through Agra, Jaipur, Udaipur and Ahmedabad. After that, the two models will also head toward Pune, which houses Mercedes’ manufacturing facility. From there, both cars will go on individual trips- one will go across Mumbai, while the other will explore Hampi.  Both cars will then reunite in Bangalore, where Mercedes’ India R&D centre is housed. The cars will then travel westward towards Goa, and then conclude their journey in Mumbai.

Used Car Study 2026: Maruti Baleno holds its value best among midsize hatches

Maruti Baleno resale value

Conducted in association with Spinny, India’s leading pre-owned car platform, the fourth edition of our Used Car Study analyses real-world resale values across a broad spectrum of vehicles sold in the Indian market in order to assess depreciation trends over a five-year ownership period. The study is based on actual transactional data shared by Spinny for vehicles sold between January 1 and August 31, 2025.

In this series of the resale value study, here we are taking a look at the premium hatchback segment:

Premium hatchback resale value 

Among premium hatchbacks, the Maruti Baleno and Toyota Glanza remain closely matched; unsurprising given that both are mechanically identical products. However, the Toyota-badged hatchback consistently commands a slight premium in the used car market, reflecting stronger brand perception and Toyota’s reputation for reliability.

Meanwhile, the Tata Altroz – the only car in this segment to offer a diesel engine option – demonstrates depreciation trends broadly in line with its petrol-powered rivals, indicating balanced demand across fuel types.

As per the study, the average selling price of a five-year-old premium hatchback retailed through Spinny stood at Rs 6.43 lakh. Comparable figures for three-year-old and one-year-old the premium hatchbacks were Rs 8.27 lakh and Rs 8.67 lakh, respectively. Average depreciation over the same periods worked out to 42.8 percent, 32.7 percent and 21.4 percent, respectively.

Autocar-Spinny Resale Value Study methodology 

The analysis covers the average selling prices (ASPs) of vehicles retailed through Spinny’s network across nine cities – Delhi-NCR, Bengaluru, Hyderabad, Pune, Chennai, Mumbai, Lucknow, Ahmedabad and Kolkata.

For the purposes of this study, depreciation has been defined as the percentage difference between a vehicle’s original on-road price in its year of manufacture and its resale value in 2025. In instances where a model was offered with multiple engine options using the same fuel type, the data has been consolidated and averaged. Variant-wise differences have similarly been averaged out.

Discontinued models and powertrain options have been excluded. Additionally, premium vehicles priced above Rs 30 lakh, electric vehicles and certain low-volume models have not been included due to limited transaction data and insufficient sample sizes.

iPhone 17 Pro खरीदने का सुनहरा मौका! ₹1 लाख से कम में मिल सकता है Apple का फ्लैगशिप फोन

अगर आप लंबे समय से iPhone 17 Pro खरीदने के बारे में सोच रहे हैं, तो Apple के इस फ्लैगशिप फोन को खरीदने का यह सबसे अच्छा समय है। क्योंकि टेक इंडस्ट्री में आने वाले डिवाइस की कीमत बढ़ोतरी को लेकर कई तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं। इसके अलावा, Apple ने हाल ही में मेमोरी की बढ़ती लागत के कारण अपने कुछ प्रोडक्ट्स, जैसे Macs, iPads और अन्य की कीमतें बढ़ाई हैं। जिस वजह से ऐसा माना जा रहा है कि iPhone 17 सीरीज की कीमतों में भी बढ़ोतरी हो सकती है।

iPhone 17 Pro पर बड़ा डिस्काउंट

Apple के लेटेस्ट iPhone 17 Pro के 256GB वेरिएंट की कीमत अभी Rs 1,34,900 की जगह Rs 1,27,900 है। जो खरीदार इसे खरीदना चाहते हैं, वे Flipkart Axis का इस्तेमाल करके Rs 9,000 की अतिरिक्त छूट भी पा सकते हैं।

इसके अलावा, ICICI बैंक क्रेडिट कार्ड यूजर्स को इस डिवाइस पर ₹6,000 की छूट मिल सकती है। वहीं, इस डील को और भी बेहतर बनाने के लिए, ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म ₹47,350 तक का एक्सचेंज ऑफर भी दे रहा है। हालांकि, इस एक्सचेंज ऑफर का फायदा लेने के लिए यूजर्स को Flipkart पर अपना पिन कोड चेक करना होगा, ताकि यह पता चल सके कि ऑफर उनके इलाके में लागू है या नहीं। साथ ही, पुराने स्मार्टफोन की कंडीशन के हिसाब से एक्सचेंज वैल्यू अलग-अलग हो सकती है। इसलिए, सभी ऑफर मिलाकर आप यह स्मार्टफोन आसानी से ₹1,00,000 से कम कीमत में पा सकते हैं।

iPhone 17 Pro के स्पेसिफिकेशन्स

iPhone 17 Pro में लेटेस्ट iOS 26 दिया गया है। यह फ्लैगशिप फोन 6.3 इंच के बड़े Super Retina XDR OLED डिस्प्ले के साथ आता है, जिसमें 120Hz ProMotion सपोर्ट, Always-On मोड और एंटी-रिफ्लेक्टिव कोटिंग मिलती है। बेहतर मजबूती के लिए इसमें Ceramic Shield 2 भी दिया गया है।

यह स्मार्टफोन A19 Pro चिपसेट पर काम करता है और इसमें 12GB तक RAM दी गई है। कंपनी का दावा है कि यह फोन एक बार चार्ज करने पर 39 घंटे तक वीडियो प्लेबैक दे सकता है।

कैमरे की बात करें तो, फोन के पिछले हिस्से में ट्रिपल 48MP कैमरा सेटअप दिया गया है, जिसमें वाइड, अल्ट्रा-वाइड और टेलीफोटो लेंस शामिल हैं। यह 8x तक ऑप्टिकल जूम और 8K वीडियो रिकॉर्डिंग को सपोर्ट करता है। सेल्फी के लिए, इस फ्लैगशिप में 18MP का फ्रंट कैमरा सेंसर दिया गया है। यह स्मार्टफोन Silver, Cosmic Orange और Deep Blue कलर ऑप्शन में उपलब्ध है।

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क्‍लीन सिटी इंदौर में लगी थलापति विजय की पेंटिंग, ऐसे दिया सफाई का संदेश

Thalapathy Vijay

थलापति विजय तमिलनाडु के सीएम हैं और साऊथ फिल्‍मों के जाने माने हीरो। लेकिन इन दिनों वे इंदौर में छाए हुए हैं। शहर के कुछ इलाकों में थलापति विजय की पेंटिंग नजर आ रही हैं, जो सफाई का संदेश दे रही है। बता दें कि थलापति विजय के फैन पूरे देश में हैं, लेकिन इंदौर में वे अलग ही तरह से अपनी छाप छोड रहे हैं।

दरअसल उनकी एक पेंटिग शहर के रक्षित केंद्र के बाहर बनाई गई है। बता दें कि थलापति विजय के इंस्‍पेक्‍टर वाली इमेज का हर कोई दीवाना है। यही वजह है कि शहर के चित्रकारों ने थलापति विजय की इंस्पेक्टर वाली इमेज को दीवार पर उतार दिया है और सफाइ का संदेश दे डाला है।

इंदौर के डीआरपी लाइन इलाके में थलापति की पुलिस ऑफिसर वाली फोटो को वॉल पेंटिंग के जरिए तैयार किया गया है। जिससे कि यहां से गुजरने वाले सामान्य लोगों के अलावा पुलिस के अधिकारी और कर्मचारी भी विजय की फिल्मों की तरह ही स्वच्छता और अनुशासन के लिए प्रेरित हो सकें। यह पेंटिंग आर्टिस्ट संतोष राज ने बनाई है। वे खुद उनके फैन हैं।
Edited By: Naveen R Rangiyal

SC On Ethanol Blending Policy : SC में BPCL एथेनॉल विवाद पर सुनवाई, केंद्र ने कहा- 20% एथेनॉल ब्लेंडिंग लक्ष्य नहीं बदलेगा

सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (BPCL) और केंद्र सरकार के बीच एथेनॉल आवंटन प्रक्रिया से जुड़े मामले की सुनवाई करते हुए अगली सुनवाई तक यथास्थिति (Status Quo) बनाए रखने का आदेश दिया। सुनवाई के दौरान अटॉर्नी जनरल आर. वेंकटरमणी ने कहा कि पेट्रोल में 20 प्रतिशत एथेनॉल ब्लेंडिंग हासिल करने का केंद्र सरकार का लक्ष्य पूरी तरह बरकरार है और इसमें कोई बदलाव नहीं किया गया है।

 

अटॉर्नी जनरल ने सुप्रीम कोर्ट की पीठ को बताया कि देशव्यापी एथेनॉल ब्लेंडिंग कार्यक्रम एक बड़ा राष्ट्रीय प्रयोग है, जिसके परिणाम अगले वर्ष तक और स्पष्ट रूप से सामने आएंगे। उन्होंने कहा कि सरकार इस महत्वाकांक्षी योजना को तय समय के अनुसार लागू करने के लिए प्रतिबद्ध है।

 

कर्नाटक हाईकोर्ट के आदेश से शुरू हुआ विवाद

यह विवाद कर्नाटक हाईकोर्ट के उस आदेश के बाद शुरू हुआ, जिसमें वर्ष 2025-26 के लिए एथेनॉल आवंटन प्रक्रिया को दोबारा शुरू करने का निर्देश दिया गया था। BPCL का कहना है कि यदि आवंटन प्रक्रिया फिर से खोली जाती है, तो इससे केंद्र सरकार के राष्ट्रीय एथेनॉल ब्लेंडिंग कार्यक्रम के क्रियान्वयन पर असर पड़ सकता है।सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने याचिकाकर्ताओं से पूछा कि उन्होंने पहले कर्नाटक हाईकोर्ट की डिवीजन बेंच का रुख क्यों नहीं किया।

  

अटॉर्नी जनरल आर. वेंकटरमणी ने अदालत को बताया कि संबंधित अवधि के लिए एथेनॉल आपूर्ति अनुबंध अक्टूबर 2025 में ही अंतिम रूप दिए जा चुके हैं। उन्होंने यह भी कहा कि इसी तरह के कई मामले देश के अलग-अलग हाईकोर्ट में लंबित हैं। यदि अलग-अलग अदालतों से अलग-अलग आदेश आते हैं, तो राष्ट्रीय नीति के क्रियान्वयन में बाधा उत्पन्न हो सकती है। उन्होंने सभी मामलों को एक साथ सुनने के लिए ट्रांसफर याचिका दायर करने की अनुमति भी मांगी। हालांकि, मामले में वरिष्ठ अधिवक्ता सिद्धार्थ दवे ने इस मांग का विरोध करते हुए कहा कि ट्रांसफर याचिका केवल सुनवाई को टालने का प्रयास है।

 

वेंकटरमणी ने अदालत से कहा कि अक्टूबर से पहले इस मामले पर फैसला होना बेहद जरूरी है, क्योंकि इसी अवधि में नए एथेनॉल आपूर्ति अनुबंध जारी किए जाने हैं। यदि पहले डिवीजन बेंच और फिर अन्य अदालतों में अलग-अलग सुनवाई होगी तो इसमें काफी समय लगेगा।

 

सुप्रीम कोर्ट ने दिया स्टेटस क्वो का आदेश

सुप्रीम कोर्ट ने मामले में नोटिस जारी करते हुए अगली सुनवाई तक यथास्थिति बनाए रखने का निर्देश दिया। सुनवाई के बाद अटॉर्नी जनरल ने स्पष्ट किया कि अदालत के सामने उनकी दलीलें केवल एथेनॉल की आपूर्ति की मात्रा (Quantum of Supply) से संबंधित थीं, न कि सरकार की एथेनॉल ब्लेंडिंग नीति से।

 

उन्होंने दोहराया कि पेट्रोल में 20 प्रतिशत एथेनॉल ब्लेंडिंग का केंद्र सरकार का लक्ष्य पहले की तरह जारी रहेगा। हालांकि, तेल विपणन कंपनियों (Oil Marketing Companies) को आवंटित किए जाने वाले एथेनॉल की मात्रा मांग और अन्य परिचालन आवश्यकताओं के आधार पर तय की जाएगी।

क्या है पूरा मामला 

विन्प डिस्टिलरीज एंड शुगर प्राइवेट लिमिटेड की याचिका से जुड़ा है। कंपनी ने कर्नाटक हाईकोर्ट में कहा था कि उसने सिर्फ एथेनॉल बनाने का प्लांट लगाया है। उसकी सालाना क्षमता करीब 9.90 करोड़ लीटर है, लेकिन 2025-26 के लिए उसे सिर्फ 3.92 करोड़ लीटर एथेनॉल सप्लाई का ऑर्डर मिला। जबकि उसने 9.26 करोड़ लीटर की बोली लगाई थी। सरकार की तरफ से कहा गया कि पहले ज्यादा आवंटन मिलने का मतलब यह नहीं है कि कंपनी हर बार उतनी ही मात्रा मांग सकती है। अगर उसकी मांग मान ली गई तो सरकार की पूरी नीति बदल जाएगी।Edited by : Sudhir Sharma

IND vs ENG : Ireland ने खोली टीम इंडिया की पोल, अब क्या वैभव सूर्यवंशी करेंगे इंग्लैंड को हैरान? जानें कब-कहां देखें पहला T20

भारत और इंग्लैंड के बीच पांच मैचों की टी20 सीरीज का आगाज 1 जुलाई से चेस्टर-ले-स्ट्रीट के रिवरसाइड ग्राउंड में होने जा रहा है। यह सिर्फ एक और द्विपक्षीय सीरीज नहीं, बल्कि दो टी20 दिग्गज टीमों की टक्कर है। एक तरफ विश्व चैंपियन भारत है, जो आयरलैंड के खिलाफ ऐतिहासिक सीरीज हार के बाद दबाव में इंग्लैंड पहुंचा है। दूसरी ओर मेजबान इंग्लैंड है, जो अपने घरेलू मैदान पर भारत से टी20 विश्व टूर्नामेंट के सेमीफाइनल में मिली करीबी हार का हिसाब बराबर करना चाहेगा।

 

दोनों टीमों के पास मैच विनर खिलाड़ियों की कोई कमी नहीं है। ऐसे में सीरीज का पहला मुकाबला रोमांच, रणनीति और बड़े सितारों की भिड़ंत से भरपूर रहने वाला है।

 

आयरलैंड की हार के बाद दबाव में टीम इंडिया
 

विश्व चैंपियन बनने के कुछ ही वक्त बाद भारत को आयरलैंड के खिलाफ 2-0 से टी20 सीरीज गंवानी पड़ी। पहले मुकाबले में 34 रन और दूसरे मैच में सिर्फ 1 रन से मिली हार ने भारतीय बल्लेबाजी की कमजोरियों को उजागर कर दिया।

 

ओपनर संजू सैमसन दोनों मैचों में बड़ी पारी खेलने में नाकाम रहे, जबकि अभिषेक शर्मा ने एक मुकाबले में तेज 49 रन जरूर बनाए, लेकिन Consistency  नहीं दिखा सके। Middle Order भी दबाव के समय उम्मीदों पर खरा नहीं उतरा। ऐसे में इंग्लैंड जैसी मजबूत टीम के खिलाफ भारतीय बल्लेबाजों की असली परीक्षा होगी।

 

क्या पहले ही मैच में मिलेगा वैभव सूर्यवंशी को डेब्यू?

 

पूरी सीरीज से पहले सबसे बड़ी चर्चा 15 वर्षीय विस्फोटक बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी (Vaibhav Sooryavanshi) को लेकर है। पूर्व भारतीय कप्तान सुनील गावस्कर (Sunil Gavaskar) ने साफ कहा है कि अगर भारत को इंग्लैंड को चौंकाना है तो वैभव को पहले ही टी20 में मौका देना चाहिए।

 

गावस्कर का मानना है कि युवा खिलाड़ी को सिर्फ इसलिए बाहर नहीं बैठाया जाना चाहिए क्योंकि वह नया है। उनके मुताबिक वैभव को ओपनिंग या नंबर-3 पर उतारकर इंग्लैंड के गेंदबाजों पर शुरुआत से दबाव बनाया जा सकता है।

 

हालांकि Team Management की ओर से सहायक कोच रयान टेन डोशेट ने संकेत दिए हैं कि वैभव को अपनी बारी का इंतजार करना होगा। ऐसे में प्लेइंग इलेवन को लेकर सबसे बड़ा सस्पेंस इसी युवा बल्लेबाज पर टिका हुआ है।

 

इंग्लैंड के पास रफ्तार भी, अनुभव भी

 

घरेलू परिस्थितियों में इंग्लैंड बेहद खतरनाक टीम मानी जाती है। तेज गेंदबाजी विभाग में जोफ्रा आर्चर, जोश टंग, साकिब महमूद और सॉनी बेकर जैसी स्पीड मशीनें मौजूद हैं, जबकि स्पिन की जिम्मेदारी अनुभवी आदिल राशिद और अहमद संभालेंगे।

 

रिवरसाइड ग्राउंड का रिकॉर्ड भी गेंदबाजों के पक्ष में रहा है। यहां अब तक खेले गए टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों में औसत पहली पारी का स्कोर करीब 138 रन रहा है। इसका मतलब साफ है कि बल्लेबाजों को शुरुआत से ही संयम और समझदारी दिखानी होगी।

 

बैटिंग में भी कम नहीं इंग्लैंड

 

कप्तान हैरी ब्रूक, जोस बटलर, फिल सॉल्ट, जैकब बेथेल, विल जैक्स, टॉम बैंटन और जॉर्डन कॉक्स जैसी बल्लेबाजी लाइन-अप किसी भी गेंदबाजी आक्रमण को तहस-नहस करने का दम रखती है।

 

अगर भारतीय गेंदबाजों ने आयरलैंड सीरीज की तरह बीच के ओवरों में ढील दिखाई, तो इंग्लैंड इसका पूरा फायदा उठा सकता है।

 

 

IND vs ENG Head-to-Head (Last 5 Matches)

 

हाल के टी20 मुकाबलों में भारत का पलड़ा भारी रहा है। पिछले पांच मुकाबलों में भारतीय टीम ने चार बार जीत दर्ज की है। हालांकि इंग्लैंड अपने घरेलू मैदान पर अलग ही टीम बन जाती है, इसलिए पुराने रिकॉर्ड इस मुकाबले में ज्यादा मायने नहीं रखेंगे।

 

भारत और इंग्लैंड की संभावित प्लेइंग XI

 

भारत (संभावित XI) (Probable Playing Xl)

 

अभिषेक शर्मा, संजू सैमसन/वैभव सूर्यवंशी, ईशान किशन, श्रीयस अय्यर (कप्तान), तिलक वर्मा, शिवम दुबे, अक्षर पटेल, वॉशिंगटन सुंदर, अर्शदीप सिंह, हर्षित राणा, प्रिंस यादव

 

इंग्लैंड (संभावित XI) (Probable Playing Xl)

 

फिल सॉल्ट, जोस बटलर, हैरी ब्रूक (कप्तान), जैकब बेथेल, विल जैक्स, टॉम बैंटन, सैम करन, आदिल राशिद, जोफ्रा आर्चर, साकिब महमूद, जोश टंग

 

दोनों टीमों की पूरी स्क्वॉड

 

भारत

 

श्रीयस अय्यर (कप्तान), तिलक वर्मा (उपकप्तान), संजू सैमसन, ईशान किशन, अभिषेक शर्मा, वैभव सूर्यवंशी, शिवम दुबे, अक्षर पटेल, वॉशिंगटन सुंदर, रवि बिश्नोई, अर्शदीप सिंह, हर्षित राणा, प्रसिद्ध कृष्णा, सूर्यांश शेडगे, प्रिंस यादव।

 

इंग्लैंड

 

हैरी ब्रूक (कप्तान), जोस बटलर, फिल सॉल्ट, टॉम बैंटन, जॉर्डन कॉक्स, जैकब बेथेल, विल जैक्स, सैम करन, जेम्स कोल्स, आदिल राशिद, रेहान अहमद, जोफ्रा आर्चर, साकिब महमूद, जोश टंग, सॉनी बेकर, ल्यूक वुड, लियम डॉसन।

 

मैच प्रेडिक्शन

 

भारत के लिए यह मुकाबला सिर्फ सीरीज का पहला मैच नहीं, बल्कि आत्मविश्वास वापस हासिल करने का भी मौका है। दूसरी तरफ इंग्लैंड अपने घरेलू हालात और मजबूत गेंदबाजी आक्रमण के दम पर शुरुआती बढ़त लेने की कोशिश करेगा।

 

अगर भारतीय बल्लेबाज शुरुआती स्विंग और तेज गेंदबाजी का सामना कर गए, साथ ही वैभव सूर्यवंशी को मौका मिला और उन्होंने प्रभाव छोड़ा, तो मुकाबला भारत की तरफ झुक सकता है। लेकिन अगर आयरलैंड वाली गलतियां दोहराई गईं, तो इंग्लैंड इस मौके को हाथ से नहीं जाने देगा।

 

पहले टी20 में नजर सिर्फ जीत-हार पर नहीं होगी, बल्कि इस बात पर भी होगी कि क्या भारत नई सोच के साथ मैदान में उतरता है या फिर वैभव सूर्यवंशी को इंतजार ही करना पड़ता है।

 

 

India vs England 1st T20I कब और कहां खेला जाएगा?

 

  •  India vs England 1st T20I 1 जुलाई को चेस्टर-ले-स्ट्रीट के Riverside Ground में खेला जाएगा। मुकाबला भारतीय समयानुसार रात 10:00 बजे शुरू होगा।

  • India vs England T20I Series का टीवी पर लाइव प्रसारण कहां देखें?
  •  India vs England T20I Series का लाइव टीवी प्रसारण भारत में Sony Sports Network पर किया जाएगा।

  • India vs England T20I Series की लाइव स्ट्रीमिंग कहां देखें?
  •  India vs England T20I Series की लाइव स्ट्रीमिंग SonyLIV ऐप और वेबसाइट पर उपलब्ध होगी।

 

‘ट्रंप बोले- PM मोदी को फोन मिलाओ, मैंने कहा सुबह के 6 बजे होंगे तो जवाब मिला वो मेरी तरह…’,सर्जियो गोर ने समझाया दोनों क्यों हैं सच्चे दोस्त

अमेरिका के भारत में राजदूत सर्जियो गोर (Sergio Gor) ने हाल ही में IX USISPF लीडरशिप समिट 2026 में भारत-अमेरिका संबंधों की मजबूती पर एक दिलचस्प कहानी साझा की। उन्होंने बताया कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को सच्चा दोस्त मानते हैं और दोनों नेताओं के बीच संबं

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टेक कंपनियों पर ऑस्ट्रेलिया सख्त:कानून तोड़ने पर जुर्माना बढ़ाकर 660 करोड़ रुपए करने की तैयारी‎

ऑस्ट्रेलिया 16 वर्ष से कम उम्र के बच्चों को सोशल मीडिया से दूर रखने के अपने कानून को और सख्त करने की तैयारी में है। किशोरों के लिए प्रमुख सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर आयु सीमा लागू करने वाला ऑस्ट्रेलिया दुनिया का पहला देश बना था, लेकिन शुरुआती नतीजों से सरकार संतुष्ट नहीं है। कानून के तहत स्नैपचैट, इंस्टाग्राम और यूट्यूब जैसे लोकप्रिय प्लेटफॉर्म के लिए न्यूनतम आयु सीमा तय की गई है। इसके बाद ब्रिटेन, कनाडा, इंडोनेशिया और ब्राजील जैसे देशों ने भी इसी तरह के कदम उठाने शुरू किए हैं। हालांकि सरकारी रिपोर्ट बताती है कि कानून लागू होने के बावजूद किशोरों के सोशल मीडिया इस्तेमाल में अपेक्षित कमी नहीं आई है। हजारों अकाउंट जरूर बंद हुए हैं, लेकिन दस में से सात अभिभावकों का कहना है कि उनके बच्चों के अकाउंट अब भी सक्रिय हैं। शोधकर्ताओं ने भी पाया कि अधिकांश ऑस्ट्रेलियाई किशोर किसी न किसी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल कर रहे हैं। प्रधानमंत्री एंथोनी अल्बानीज ने कहा कि बड़ी टेक कंपनियां कानून का पालन सुनिश्चित करने के लिए पर्याप्त कदम नहीं उठा रही हैं। उनके मुताबिक अब भी बड़ी संख्या में बच्चे सोशल मीडिया पर मौजूद हैं। संचार मंत्री अनिका वेल्सने आरोप लगाया कि टेक कंपनियां नियमों से बचने के लिए न्यूनतम प्रयास कर रही हैं और अपनी पुरानी रणनीतियां अपना रही हैं। दूसरी ओर, टेक कंपनियों ने इस कानून को अत्यधिक कठोर बताते हुए कहा है कि इसमें प्लेटफॉर्म पर पहले से मौजूद सुरक्षा उपायों को नजर अंदाज किया गया है। प्रतिबंधित प्लेटफॉर्म रेडिट ने तो ऑस्ट्रेलियाई सरकार के खिलाफ मुकदमा भी दायर किया है। कंपनी का तर्क है कि यह कानून बच्चों के राजनीतिक संवाद और अभिव्यक्ति के अधिकारों का उल्लंघन करता है। इस बीच ऑस्ट्रेलिया के ई-सेफ्टी कमिश्नर ने फेसबुक,इंस्टाग्राम, स्नैपचैट, टिकटॉक और यूट्यूब के खिलाफ कानून के पालन की जांच शुरू कर दी है। कानून के तहत प्रतिबंधित 10 सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म से बच्चों को दूर रखना संबंधित कंपनियों की जिम्मेदारी है। ऑनलाइन सेफ्टी नियामक केकानूनी अधिकार और बढ़ेंगे कानून तोड़ने वाली टेक्नोलॉजी कंपनियों पर अधिकतम जुर्माना दोगुना बढ़ाकर 660 करोड़ रुपए किया जाएगा। सरकार का कहना है, ऑनलाइन सेफ्टी नियामक के कानूनी अधिकार बढ़ाए जाएंगे। कंपनियों को बताना पड़ेगा कि उन्होंने 16 साल से कम आयु के बच्चों को अपने प्लेटफॉर्म से दूर रखने के लिए कौन से कदम उठाए हैं।

चीन-तुर्की की मदद से विनाशक तैयारियों में जुटा पाकिस्तान! ऑपरेशन सिंदूर के बाद बदली उसकी चाल, मिले ये सबूत

ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारत ने अपनी सैन्य ताकत और मॉडर्न वारफेयर का ऐसा प्रदर्शन किया, जिसने पाकिस्तान का हाल बेहाल कर दिया था। इस ऑपरेशन में भारतीय सेना ने पाकिस्तान के कई अहम एयर बेस, एयर डिफेंस सिस्टम और रणनीतिक संसाधनों को निशाना बनाकर पाक सेना ऐसा हाल किया था कि पूरी दुनिया के सामने उसकी पोल खुल गई थी। भारत के मिली करारी शिकस्त के बाद पाकिस्तान ने अपनी सैन्य रणनीति में बड़े बदलाव शुरू कर दिए हैं। अब वह अपनी कमजोरियों को दूर करने के लिए चीन और तुर्की जैसे देशों की मदद से सेना के मॉर्डनाइजेशन पर काम कर रहा है। स्टील्थ लड़ाकू विमान, लंबी दूरी की मिसाइलें, आधुनिक ड्रोन, लेज़र हथियार और नए एयर डिफेंस सिस्टम को शामिल करने की तैयारी की जा रही है।

सेना को तेजी से मजबूत कर रहा है पाकिस्तान

ऑपरेशन सिंदूर के बाद पाकिस्तान अपनी सेना को तेजी से मजबूत करने में जुट गया है। एक रिपोर्ट के मुताबिक, पाकिस्तान लड़ाकू विमानों, मिसाइलों, ड्रोन और आधुनिक हथियारों पर बड़ा निवेश कर रहा है। इसके लिए उसे चीन और तुर्की का सबसे ज्यादा सहयोग मिल रहा है। रिपोर्ट के अनुसार, पाकिस्तान तुर्की से 1,000 से अधिक आधुनिक ड्रोन (यूएवी) खरीदने की तैयारी कर रहा है। साथ ही ड्रोन और टारगेट पर हमला करने वाले लोइटरिंग म्यूनिशन (आत्मघाती ड्रोन) की संख्या भी बढ़ाई जाएगी।

चीन से मिलेगा स्टील्थ फाइटर प्लेन 

पाकिस्तानी सेना अपनी 5 आर्टिलरी रेजिमेंट (तोपखाना) को मिसाइल रेजिमेंट में बदलने की योजना पर काम कर रही है। इसके अलावा देश का एयर डिफेंस नेटवर्क भी लगातार मजबूत किया जा रहा है। रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि पाकिस्तान को 2026 के आखिर तक चीन से 40 जे-35 स्टील्थ फाइटर प्लेन मिलने की उम्मीद है। वहीं, चीनी तकनीक की मदद से हाई-एनर्जी लेज़र हथियार भी विकसित किए जा रहे हैं।

अटैक हेलीकॉप्टर को कर रहा अपग्रेड

इसके अलावा पाकिस्तानी सेना के 29 कोबरा अटैक हेलीकॉप्टरों को अपग्रेड किया जाएगा और 30 से ज्यादा जेड-10 अटैक हेलीकॉप्टर शामिल करने की भी योजना है। रिपोर्ट के मुताबिक, चीन पाकिस्तान को 200 से अधिक एसएच-15 तोपें भी उपलब्ध करा चुका है। कुल मिलाकर पाकिस्तान अपनी सैन्य ताकत बढ़ाने के लिए बड़े पैमाने पर आधुनिकीकरण की दिशा में काम कर रहा है।

आकाश शर्मा की रिपोर्ट