Gold Silver price: भारत में सोना ₹1.53 लाख पर, चांदी 1.5% से ज्यादा लुढ़की, क्या आगे भी जारी रहेगा दबाव

Gold Silver price: घरेलू बाजार में सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट आई। कमज़ोर स्पॉट डिमांड और मार्केट में शामिल लोगों की बिकवाली का असर घरेलू कीमतों पर पड़ा। यह गिरावट तब आई जब ग्लोबल स्तर पर कीमती धातुओं की कीमतों में मिला-जुला ट्रेंड देखा गया।

मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर, अक्टूबर डिलीवरी के लिए सोने के फ्यूचर्स में ₹636 या 0.41% की गिरावट आई और यह ₹1.53 लाख प्रति 10 ग्राम हो गया। इस कॉन्ट्रैक्ट में 837 लॉट का बिज़नेस टर्नओवर दर्ज किया गया।सितंबर डिलीवरी के लिए चांदी के फ्यूचर्स में ₹4,023 या 1.73% की गिरावट आई और यह ₹2.28 लाख प्रति किलोग्राम हो गया, जिसमें 2,577 लॉट का बिज़नेस टर्नओवर हुआ।

दरअसल, घरेलू सोने की कीमतों में गिरावट की वजह कमज़ोर स्पॉट डिमांड थी, जबकि चांदी की कीमतें तब दबाव में आईं जब मार्केट में शामिल लोगों ने अपनी पोजीशन कम कर दीं।

घरेलू फ्यूचर्स मार्केट को इंटरनेशनल स्पॉट कीमतों से अलग भी देखा जाना चाहिए, क्योंकि डॉलर, US बॉन्ड यील्ड, ब्याज दरों की उम्मीदों और लोकल करेंसी में बदलाव के कारण दिन के दौरान इनमें अलग-अलग उतार-चढ़ाव हो सकते हैं।ग्लोबल स्तर पर, न्यूयॉर्क में सोने के फ्यूचर्स 0.10% बढ़कर लगभग $4,338.74 प्रति औंस हो गए, जबकि चांदी 0.99% बढ़कर $62.74 प्रति औंस हो गई।

आगे क्या होनी चाहिए निवेश रणनीति

लेमन (Lemonn) में रिसर्च हेड गौरव गर्ग के अनुसार, US ट्रेजरी यील्ड में कमी के कारण पिछले सेशन की गिरावट के बाद सोने में कुछ रिकवरी देखी गई। हालांकि, US फेडरल रिजर्व की मीटिंग के मिनट्स जारी होने से पहले निवेशक सतर्क रहे, क्योंकि इससे ब्याज दरों की भविष्य की दिशा के बारे में संकेत मिल सकते हैं।

कीमतों में गिरावट का मतलब यह नहीं है कि सोने में ग्राहकों की दिलचस्पी में भारी कमी आई है। जब कीमतें ज़्यादा होती हैं, तो मांग छोटी खरीदारी की ओर भी बढ़ सकती है।

इंडियन एसोसिएशन फॉर गोल्ड एक्सीलेंस एंड स्टैंडर्ड्स (IAGES) के CEO कौशलेंद्र सिन्हा ने कहा कि ग्राहकों में सोने के प्रति अब भी काफी लगाव है, हालांकि कीमतें ज़्यादा होने के कारण खरीदार तेज़ी से हल्के वज़न और ट्रेंडी ज्वेलरी चुन रहे हैं।

उन्होंने यह भी कहा कि कुछ परिवार नया सोना खरीदने के बजाय अपनी मौजूदा ज्वेलरी को एक्सचेंज करने या उसे नया डिज़ाइन करवाने का विकल्प चुन रहे हैं। इससे ग्राहकों को अपनी मौजूदा होल्डिंग्स की वैल्यू का फ़ायदा उठाने में मदद मिलती है और उन्हें नया सोना कम खरीदना पड़ता है। त्योहारों और शादी-ब्याह का मौसम आने वाला है, ऐसे में घरेलू सोने के बाज़ार के लिए मांग एक अहम कारक हो सकती है। हालांकि, सोने और चांदी की कीमतों की दिशा ग्लोबल ब्याज दरों के अनुमान, US ट्रेजरी यील्ड, डॉलर और रुपये की चाल पर भी निर्भर करेगी।

ग्राहकों के लिए, MCX फ्यूचर्स की कीमतें और रिटेल में गहनों की आखिरी कीमत एक जैसी नहीं होती हैं। सोने की रिटेल कीमतों में टैक्स, मेकिंग चार्ज और ज्वेलर का मार्जिन जैसी चीजें भी शामिल होती हैं। इसी तरह, चांदी के दाम अलग-अलग शहरों में और फिजिकल व फ्यूचर्स मार्केट के बीच अलग-अलग हो सकते हैं।

Silver price Today: ₹3000 सस्ती हुई चांदी, जानें मुंबई, दिल्ली, चेन्नई सहित 10 प्रमुख शहरों के ताजा भाव

(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Silver Gold Price Today : MCX पर सोना 0.50% नीचे, चांदी 1.75% टूटी, जानिए आज कमोडिटी में कहां हो सकती है कमाई

Silver Gold Price Today : MCX पर सोना 1.55 लाख रुपए प्रति 10 ग्राम के नीचे फिसल गया है। MCX पर चांदी भी 2.30 लाख रुपए प्रति किलो के नीचे फिसल गई है। वहीं, ब्रेंट क्रूड का भाव 91 डॉलर प्रति बैरल के ऊपर और WTI क्रूड का भाव 85 डॉलर के ऊपर कायम है। इस बीच डॉलर इंडेक्स 100 के स्तर के नीचे कायम है। बुधवार,19 अगस्त को MCX पर सोने और चांदी की कीमतों में इस गिरावट की वजह कच्चे तेल की बढ़ती कीमतें और US-Iran बातचीत के रुकने के बीच US Fed द्वारा ब्याज दरें बढ़ाने की बढ़ती आशंका है। हालांकि,डॉलर इंडेक्स में गिरावट ने सोने की कीमतों में गिरावट को रोक सीमित रखा है।

सोने-चांदी की चाल पर नजर डालें तो एमसीएक्स पर सोना 1 हफ्ते में 1 फीसदी और चांदी 1 हफ्ते में 3 फीसदी गिरी है। वहीं, 1 महीने में सोना 10 फीसदी और चांदी 5 फीसदी टूटी है। 3 महीने में सोना 3 फीसदी और चांदी 15 फीसदी गिरी है। 6 महीने में सोना 1 फीसदी और चांदी 6 फीसदी गिरा है। इस साल अब तक सोने में 14 फीसदी की तेजी आई है, वहीं, चांदी 3 फीसदी गिरी है।

फिलहाल 11.45 बजे के आसपास MCX पर अक्तूबर का गोल्ड वायदा 713.00 रुपए यानी 0.46 फीसदी की गिरावट के साथ 153,500 रुपए पर नजर आ रहा था। वहीं, चांदी का सितंबर वायदा 4,066 रुपए यानी 1.76 फीसदी की कमजोरी के साथ 228,330 रुपए पर दिख रहा है।

पृथ्वीफिनमार्ट कमोडिटी रिसर्च के मनोज कुमार जैन का मानना ​​है कि कच्चे तेल की कीमतों,डॉलर इंडेक्स और जियोपॉलिटिकल तनाव में उतार-चढ़ाव के बीच सोने और चांदी की कीमतें वोलेटाइल बनी रहेंगी। उन्होंने आगे कहा कि MCX पर सोने के लिए 1,53,100 रुपए और 1,52,200 रुपए पर सपोर्ट है। वहीं, 1,55,000 और 1,56,100 रुपए पर इसके लिए रेजिस्टेंस है। जबकि चांदी के लिए सपोर्ट 2,30,000 और 2,26,600 रुपए पर और रेजिस्टेंस 2,23,500 रुपए और 2,37,700 रुपए पर है।

दूसरी कमोडिटीज पर एक नजर

एमसीएक्स पर कॉपर का अगस्त वायदा 4.20 रुपए यानी 0.31 फीसदी की हल्की कमजोरी के साथ 1,364.35 रुपए के आसपास दिख रहा था। वहीं,क्रूड का सितंबर वायदा 38 रुपए यानी 0.47 फीसदी की तेजी के साथ 8,126 रुपए के करीब दिख रहा था। नैचुरल गैस का अगस्त वायदा 2.10 रुपए यानी 0.79 फीसदी की तेजी के साथ 266.90 रुपए पर और ELECDMBL अगस्त वायदा 30 रुपए यानी 0.68 फीसदी की कमजोरी लेकर 4,380 के आसपास ट्रेड कर रहा था।

कमोडिटी में कमाई वाले कॉल

कमोडिटी में कमाई वाले कॉल के लिए आज हमारे साथ हैं Kedia Advisory के अजय केडिया। इनको आज गोल्ड और सिल्वर में बिकवाली करके कमाई के मौके दिख रहे हैं। एमसीएक्स गोल्ड में इनकी 155000 रुपए के आसपास,156000 रुपए के स्टॉप लॉस के साथ 153000 रुपए के टारेगट के लिए बिकवाली की सलाह है। वहीं,एमसीएक्स सिल्वर में भी इनकी 234000 रुपए के आसपास,236000 रुपए के स्टॉप लॉस के साथ 230000 रुपए के टारेगट के लिए बिकवाली की सलाह है।

 

Silver price Today: ₹3000 सस्ती हुई चांदी, जानें मुंबई, दिल्ली, चेन्नई सहित 10 प्रमुख शहरों के ताजा भाव

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Silver price Today: ₹3000 सस्ती हुई चांदी, जानें मुंबई, दिल्ली, चेन्नई सहित 10 प्रमुख शहरों के ताजा भाव

Silver price Today: चांदी की कीमतों में बुधवार, 19 अगस्त को गिरावट देखने को मिली। दिल्ली, मुंबई, चेन्नई में चांदी के दाम 2,30,000 लाख रुपये प्रति किलोग्राम पर है। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर चांदी का वायदा भाव 1.35% लुढ़क कर यानी 3131 रुपये गिरकर 2,29,447 रुपये प्रति किलो हो गई। जबकि पिछले कारोबारी सत्र में चांदी 2,32,419 रुपये प्रति किलो पर बंद हुई थी। जबकि COMEX चांदी $63.145 प्रति औंस पर थी, जिसमें 1.39% की गिरावट थी।

हालिया कारोबार में सोने के मुकाबले चांदी में ज़्यादा तेज गिरावट आई है। सोने के विपरीत, चांदी की औद्योगिक मांग का एक बड़ा हिस्सा होता है, जिसका मतलब है कि इसकी कीमतें ग्लोबल आर्थिक गतिविधियों से जुड़ी उम्मीदों पर भी प्रतिक्रिया दे सकती हैं। यह हालिया कमज़ोरी कीमती धातुओं में व्यापक गिरावट के बाद आई है

भारत के शहरों में चांदी के ताजा भाव (10 ग्राम, 100 ग्राम, प्रति किलो)

शहर10 ग्राम चांदी100 ग्राम चांदी1 किलो चांदी
दिल्ली₹2,300₹23,000₹2,30,000
मुंबई₹2,300₹23,000₹2,30,000
कोलकाता₹2,300₹23,300₹2,30,000
चेन्नई₹2,300₹23,300₹2,30,000
पटना₹2,300₹23,300₹2,30,000
लखनऊ₹2,300₹23,300₹2,30,000
मेरठ₹2,300₹23,000₹2,30,000
अयोध्या₹2,300₹23,000₹2,30,000
कानपुर₹2,300₹23,000₹2,30,000
गाजियाबाद₹2,300₹23,000₹2,30,000
नोएडा₹2,300₹23,000₹2,30,000
गुरुग्राम₹2,300₹23,000₹2,30,000
चंडीगढ़₹2,300₹23,000₹2,30,000
जयपुर₹2,300₹23,000₹2,30,000
लुधियाना₹2,300₹23,000₹2,30,000
गुवाहाटी₹2,300₹23,000₹2,30,000
इंदौर₹2,300₹23,000₹2,33,000
अहमदाबाद₹2,300₹23,0002,30,000
वडोदरा₹2,300₹23,000₹2,30,000
सूरत₹2,300₹23,000₹2,30,000
पुणे₹2,300₹23,000₹2,30,000
नागपुर₹2,300₹23,300₹2,30,000
नासिक₹2,300₹23,000₹2,30,000
बैंगलोर₹2,300₹23,000₹2,30,000
भुवनेश्वर₹2,300₹23,000₹2,30,000
रायपुर₹2,300₹23,000₹2,30,000
हैदराबाद₹2,300₹23,000₹2,30,000

चांदी वायदा कीमतों में गिरावट

कमजोर हाजिर मांग के बीच कारोबारियों द्वारा अपने सौदों का आकार घटाने से मंगलवार को वायदा कारोबार में चांदी की कीमत 2,535 रुपये की गिरावट के साथ 2,41,240 रुपये प्रति किग्रा रह गया।

मल्टी कमोडिटी एक्स्चेंज में चांदी के दिसंबर महीने में डिलीवरी वाले वायदा की कीमत 2,535 रुपये यानी 1.04 फीसदी की गिरावट के साथ 2,41,240 रुपये प्रति किलोग्राम रह गया। वैश्विक स्तर पर न्यूयॉर्क में चांदी की कीमत 1.78 फीसदी की हानि के साथ 65.01 डॉलर प्रति औंस रह गयी। बाजार एक्सपर्ट्स ने कहा कि कारोबारियों की बिकवाली बढ़ने से चांदी वायदा कीमतों में गिरावट आई।

 

(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Gold Price Today: सोने-चांदी की कीमतों में आया बड़ा उछाल! कमजोर डॉलर और US Fed के फैसले से रॉकेट बने दाम, देखें नया भाव!

Gold Price Today: कमजोर डॉलर और अमेरिकी फेडरल रिजर्व की अगली ब्याज दर बढ़ोतरी की उम्मीद घटने से सोमवार को सोने की कीमतों में तेजी आई। स्पॉट गोल्ड 0.5% चढ़कर 4,398.58 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गया। वहीं दिसंबर डिलीवरी वाला अमेरिकी गोल्ड फ्यूचर्स 0.4% बढ़कर 4,455.50 डॉलर प्रति औंस हो गया।

क्यों बढ़ रही हैं कीमतें?

अमेरिकी डॉलर इंडेक्स 0.2% गिरावट आई। इससे दूसरी मुद्राओं वाले खरीदारों के लिए सोना सस्ता हो गया। Saxo Bank के कमोडिटी स्ट्रैटेजी हेड ओले हैनसेन का कहना है कि अमेरिका में महंगाई, रोजगार और उपभोक्ता खर्च के नरम आंकड़ों से फेड की अगली बड़ी चाल अब ब्याज दर बढ़ाने की बजाय कटौती की तरफ झुकती दिख रही है।

सितंबर में रेट बढ़ने की उम्मीद घटी

हाल में आए कमजोर पेरोल डेटा और नियंत्रित महंगाई के बाद बाजार की धारणा बदली है। CME FedWatch Tool के मुताबिक, सितंबर में फेड के ब्याज दर बढ़ाने की संभावना अब 31% रह गई है। एक महीने पहले यह 51% थी।

UBS के विश्लेषक जियोवानी स्टाउनोवो ने कहा कि अमेरिका में पेट्रोल की कीमतें अब भी 4 डॉलर प्रति गैलन से ऊपर हैं। इससे अगले महंगाई आंकड़ों पर कुछ दबाव बना रह सकता है।

इस हफ्ते किन स्तरों पर रहेगी नजर?

LKP Securities में VP रिसर्च एनालिस्ट (कमोडिटी और करेंसी) जतीन त्रिवेदी के मुताबिक, COMEX पर सोना 4,395 डॉलर के आसपास कारोबार कर रहा है। इसके लिए 4,410-4,415 डॉलर का दायरा नजदीकी रेजिस्टेंस है। 4,375 डॉलर के आसपास मजबूत सपोर्ट बना हुआ है। वहीं MCX Gold में ₹1,54,750 का स्तर अहम सपोर्ट और ₹1,55,500 का स्तर रेजिस्टेंस माना जा रहा है।

दूसरे कीमती धातुओं का हाल

दूसरी कीमती धातुओं में भी तेजी दिखी। चांदी 1.5% बढ़कर 65.61 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गई। प्लैटिनम 0.7% चढ़कर 1,759.72 डॉलर और पैलेडियम 1.6% बढ़कर 1,333.25 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गया।

निवेशक अब बुधवार को आने वाली फेड की जुलाई बैठक के मिनट्स का इंतजार कर रहे हैं। इससे आगे की मौद्रिक नीति को लेकर संकेत मिल सकते हैं।

(रॉयटर्स से इनपुट के साथ)

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Disclaimer: यहां दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जागरूकता के लिए है। किसी भी निवेश, लोन, टैक्स, बीमा या दूसरे वित्तीय फैसले लेने से पहले संबंधित एक्सपर्ट्स से सलाह जरूर लें। मनीकंट्रोल किसी भी फाइनेंशियल प्रोडक्ट या सर्विस की सिफारिश नहीं करता।

नहीं थम रही सोने-चांदी की तेजी, रुपया और ग्लोबल फैक्टर्स कैसे डाल रहे है असर, अब क्या करें निवेशक!

Gold Silver price: भारत में सोने और चांदी की कीमतों में तेजी देखी गई। इसकी वजह ग्लोबल मार्केट में मजबूती का ट्रेंड था, जिसमें कमज़ोर अमेरिकी डॉलर और फेडरल रिजर्व की ब्याज दरों को लेकर बदलती उम्मीदों ने कीमती धातुओं की मांग को सहारा दिया। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर, अक्टूबर डिलीवरी के लिए सोने के वायदा भाव ₹676 या 0.44% बढ़कर ₹1.55 लाख प्रति 10 ग्राम हो गए। सितंबर डिलीवरी के लिए चांदी के वायदा भाव ₹2,270 या 0.96% बढ़कर ₹2.38 लाख प्रति किलोग्राम हो गए।

ग्लोबल स्तर पर, सोने के वायदा भाव लगभग 0.40% बढ़कर $4,394.01 प्रति औंस हो गए, जबकि चांदी के वायदा भाव 1.64% बढ़कर $65.74 प्रति औंस हो गए।

क्यों बढ़ रही कीमतें हैं?

इसका एक मुख्य कारण अमेरिकी मॉनेटरी पॉलिसी (मौद्रिक नीति) को लेकर बदलता नज़रिया है। हाल ही में अमेरिका में महंगाई, रोजगार और कंज्यूमर एक्टिविटी के आंकड़े कमज़ोर रहे हैं, जिससे फेडरल रिज़र्व द्वारा और सख्ती बरतने की उम्मीदें कम हो गई हैं। इसका असर अमेरिकी डॉलर पर पड़ा है और सोने को इससे सहारा मिला है।

आमतौर पर डॉलर के कमज़ोर होने से सोने को फायदा होता है क्योंकि दूसरी करेंसी रखने वालों के लिए यह धातु सस्ती हो जाती है। कम ब्याज दरों की उम्मीदें भी सोने को सहारा दे सकती हैं, क्योंकि सोने जैसी ऐसी एसेट (संपत्ति) को रखने की ‘अपॉर्चुनिटी कॉस्ट’ (वैकल्पिक लागत) कम हो जाती है जिससे कोई रेगुलर इनकम नहीं होती।

भारत के लिए खास वजह क्या है?

घरेलू कीमतें करेंसी में होने वाले उतार-चढ़ाव को भी दिखाती हैं। सोमवार (17 अगस्त) को शुरुआती कारोबार में रुपया कमज़ोर होकर लगभग ₹95.59 प्रति डॉलर पर आ गया। रुपया कमज़ोर होने से सोने और चांदी जैसी इंटरनेशनल कीमत वाली कमोडिटीज़ की ‘लैंडेड कॉस्ट’ (आयात लागत) बढ़ सकती है, जिससे घरेलू कीमतों को और सहारा मिलता है।

कच्चे तेल की ऊंची कीमतों का भी रुपये पर दबाव रहा है। लेमन (Lemonn) में रिसर्च हेड गौरव गर्ग के अनुसार, WTI क्रूड लगभग $82.83 प्रति बैरल पर ट्रेड कर रहा था, जबकि ब्रेंट $89 के आसपास बना हुआ था। गर्ग ने कहा कि डॉलर के कमज़ोर होने और आर्थिक आंकड़े कमज़ोर रहने से फेड द्वारा जल्द ही ब्याज दरें बढ़ाने की उम्मीदें कम हो गईं, जिससे सोने और चांदी की कीमतों में बढ़ोतरी हुई। उन्होंने US-ईरान शांति वार्ता के रुकने और होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से टैंकरों की आवाजाही कम होने के बाद सप्लाई में रुकावट की चिंताओं की ओर भी इशारा किया।

बता दें कि भू-राजनीतिक अनिश्चितता एक और वजह है जो बुलियन (सोना-चांदी) को सहारा दे रही है। US-ईरान शांति वार्ता में कोई प्रगति न होने और तेल की सप्लाई को लेकर चिंताओं ने निवेशकों को सतर्क रखा है। ऐसी अनिश्चितता सोने जैसी सुरक्षित मानी जाने वाली संपत्तियों की मांग बढ़ा सकती है।

अब आगे क्या करें निवेशक

सोने के लिए, फेडरल रिजर्व का रेट आउटलुक, US डॉलर, बॉन्ड यील्ड और भू-राजनीतिक घटनाक्रम मुख्य कारक बने रहेंगे। अगर फेड का रुख नरम (dovish) होता है तो कीमतों को सहारा मिल सकता है, जबकि महंगाई का नया झटका या सख्त (hawkish) पॉलिसी रुख बुलियन पर दबाव डाल सकता है।

VT मार्केट्स में ग्लोबल स्ट्रैटेजी ऑपरेशंस लीड, रॉस मैक्सवेल ने कहा कि $4,400-$4,450 प्रति औंस सोने के लिए तत्काल रेजिस्टेंस ज़ोन है। अगर कीमत $4,500 प्रति औंस से ऊपर बनी रहती है तो तेजी का रुझान (bullish trend) मजबूत हो सकता है, जबकि उन्होंने $4,150-$4,200 प्रति औंस को एक महत्वपूर्ण सपोर्ट एरिया बताया।

हालांकि, भारतीय निवेशकों के लिए, ग्लोबल सोना और चांदी की कीमतें समीकरण का सिर्फ़ एक हिस्सा हैं। रुपया-डॉलर एक्सचेंज रेट, इंटरनेशनल कीमतें और घरेलू बाजार की स्थितियां मिलकर MCX कीमतों की दिशा तय करती हैं।

एस्पेक्ट बुलियन एंड रिफाइनरी के CEO दर्शन देसाई ने कहा, “कमज़ोर अमेरिकी डॉलर, दरों को लेकर बदलती उम्मीदों और सुरक्षित निवेश (सेफ-हेवन) के तौर पर लगातार बनी मांग के कारण सोने और चांदी की कीमतें नए हफ़्ते में मजबूती के साथ आगे बढ़ रही हैं।”

देसाई ने कहा, “भू-राजनीतिक जोखिम और ग्लोबल ग्रोथ को लेकर चिंताएं बुलियन को और सहारा दे रही हैं।” हालांकि, एनालिस्ट कीमतों में सीधी बढ़ोतरी की उम्मीद नहीं कर रहे हैं। हालिया बढ़त के बाद, सोने और चांदी की कीमतों में कुछ ठहराव (कंसोलिडेशन) या मुनाफावसूली (प्रॉफिट-टेकिंग) देखी जा सकती है।

Silver Price Today: चांदी की बढ़ी चमक, देश-विदेश में महंगे हुए दाम, चेक करें अपने शहर का ताजा भाव

(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Silver Gold Price Today : MCX पर सोने-चांदी में तेजी, जानिए आज कमोडिटी में कहां हो सकती है कमाई

Silver Gold Price Today : सोमवार, 17 अगस्त को MCX पर सोने और चांदी की कीमतों में बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। अमेरिकी डॉलर में गिरावट और सितंबर में अमेरिकी फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरें बढ़ाने की उम्मीदों के कम होने से सोने-चांदी को सपोर्ट मिल रहा है। हांलांकि अमेरिका-ईरान के बीच बातचीत में गतिरेध और होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) के पूरी तरह से खुलने को लेकर बनी अनिश्चितता के कारण महंगाई का डर बना हुआ है, जिससे सोने की कीमतों में होने वाली बढ़त सीमित रही है।

11.40 बजे के आसपास एमसीएक्स पर गोल्ड का अक्टूबर वायदा 685 रुपए यानी 0.44 फीसदी की बढ़त के साथ 155,191 रुपए के आसपास कारोबार कर रहा था। वहीं, सिल्वर का सितंबर वायदा 2,692 रुपए यानी 1.14 फीसदी की तेजी के साथ 238,616 रुपए पर कारोबार कर रहा था।

पृथ्वीफिनमार्ट कमोडिटी रिसर्च के मनोज कुमार जैन का कहना है कि आज के सेशन में सोने के लिए $4,400 और $4,364 पर सपोर्ट है, जबकि $4,470 और $4,500 प्रति ट्रॉय औंस पर रेजिस्टेंस है। वहीं चांदी के लिए $63.40 और $62.60 पर सपोर्ट है, जबकि $65.80 और $67 प्रति ट्रॉय औंस पर रेजिस्टेंस है।

उन्होंने आगे कहा कि MCX गोल्ड के लिए 1,53,650 -1,52,800 रुपए पर सपोर्ट और 1,55,500-1,56,100 रुपए पर रेजिस्टेंस है। जबकि सिल्वर के लिए 2,34,000 -2,31,600 रुपए पर सपोर्ट और 2,38,000- 2,41,000 पर रेजिस्टेंस है।

1,53,000 और 1,52,500 के आस-पास गिरावट पर सोने में खरीदारी की सलाह होगी। जिसमें 1,51,800 रुपए से नीचे स्टॉप लॉस रखकर 1,55,500 और 1,56,000 रुपए का टारगेट रखा जा सकता है। साथ ही, 2,33,300 और 2,32,000 रुपए के आस-पास चांदी में खरीदारी की जा सकती है। इसके लिए 2,29,800 से नीचे स्टॉप लॉस रखकर 2,38,000 और 2,40,000 रुपए का टारगेट रखा जा सकता है।

दूसरी कमोडिटीज पर एक नजर

एमसीएक्स पर कॉपर का अगस्त वायदा 17.80 रुपए यानी 1.30 फीसदी की बढ़त के साथ 1,396.30 रुपए के आसपास कारोबार कर रहा था। वहीं, क्रूड ऑयल का सितंबर वायदा 36.00 रुपए यानी 0.46 फीसदी की कमजोरी के साथ 7,771 रुपए पर दिख रहा था। वहीं, नैचुरल गैस का अगस्त वायदा 9.30 रुपए यानी 3.53 फीसदी की गिरावट के साथ 254.50 रुपए के आसपास कारोबार कर रहा था। वहीं, ELECDMBL का अगस्त वायदा 18.00 रुपए यानी 0.39 फीसदी की कमजोरी के साथ 4,581 रुपए पर दिख रहा था।

कमोडिटी में कमाई वाले कॉल

कमोडिटी में कमाई वाले कॉल के लिए आज हमारे साथ हैं कुंवरजी ग्रुप के रवि दियोरा। इनको आज जिंक और नैचुरल गैस में कमाई के मौके दिख रहे हैं। एमसीएक्स जिंक अगस्त वायदा में इनकी 398.5 रुपए के आसपास, 396.0 रुपए के स्टॉप लॉस के साथ 403 रुपए के टारेगट के लिए खरीदारी की सलाह है। वहीं, एमसीएक्स नैचुरल गैस वायदा में इनकी 264 रुपए के आसपास, 268 रुपए के स्टॉप लॉस के के साथ 256 रुपए के टारेगट के लिए खरीदने की सलाह है।

 

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Silver Price Today: चांदी की बढ़ी चमक, देश-विदेश में महंगे हुए दाम, चेक करें अपने शहर का ताजा भाव

Silver Price Today:  हफ्ते के पहले दिन घरेलू वायदा बाजार में चांदी की कीमतों में उछाल देखने को मिला। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर चांदी की कीमत 1213 रुपए तक चढ़ गई और कीमत 2,37,841 रुपए प्रति किलोग्राम पर पहुंच गई थी। जबकि पिछले कारोबारी सत्र में चांदी 2,35,924 रुपये प्रति किलो पर बंद हुई थी।

वहीं बुलियन्स के अनुसार चांदी की कीमत 2,38,780 रुपये प्रति किलो हो गई। अंतरराष्ट्रीय बाजारों में चांदी 65.81 डॉलर प्रति औंस हो गई। जबकि गुडरिटर्न्स के मुताबिक कीमत बढ़कर 2,50,000 रुपये प्रति किलो हो गई।

बाजार एक्सपर्ट्स के अनुसार कारोबारियों की बिकवाली बढ़ने से चांदी के वायदा भाव पर दबाव बना। विदेशी सर्राफा बाजार में कमजोरी का असर घरेलू बाजार पर भी देखने को मिला। इसके चलते शुक्रवार को चांदी की कीमत में तेज गिरावट दर्ज की गई।

भारत के शहरों में चांदी के ताजा भाव (10 ग्राम, 100 ग्राम, प्रति किलो)

शहर10 ग्राम चांदी100 ग्राम चांदी1 किलो चांदी
दिल्ली₹2,360₹23,600₹2,36,000
मुंबई₹2,360₹23,600₹2,36,000
कोलकाता₹2,360₹23,600₹2,36,000
चेन्नई₹2,360₹23,600₹2,36,000
पटना₹2,360₹23,600₹2,36,000
लखनऊ₹2,360₹23,600₹2,36,000
मेरठ₹2,360₹23,600₹2,36,000
अयोध्या₹2,360₹23,600₹2,36,000
कानपुर₹2,360₹23,600₹2,36,000
गाजियाबाद₹2,360₹23,600₹2,36,000
नोएडा₹2,360₹23,600₹2,36,000
गुरुग्राम₹2,360₹23,600₹2,36,000
चंडीगढ़₹2,360₹23,600₹2,36,000
जयपुर₹2,360₹23,600₹2,36,000
लुधियाना₹2,360₹23,600₹2,36,000
गुवाहाटी₹2,360₹23,600₹2,36,000
इंदौर₹2,360₹23,600₹2,36,000
अहमदाबाद₹2,360₹23,600₹2,36,000
वडोदरा₹2,360₹23,600₹2,36,000
सूरत₹2,360₹23,600₹2,36,000
पुणे₹2,360₹23,600₹2,36,000
नागपुर₹2,360₹23,600₹2,36,000
नासिक₹2,360₹23,600₹2,36,000
बैंगलोर₹2,360₹23,600₹2,36,000
भुवनेश्वर₹2,360₹23,600₹2,36,000
रायपुर₹2,360₹23,600₹2,36,000
हैदराबाद₹2,360₹23,600₹2,36,000

 

इंटरनेशनल मार्केट में चढ़े दाम

इंटरनेशनल मार्केट Comex में सोने और चांदी दोनों के दाम में तेजी देखने को मिली है। चांदी (Silver Price on Comex) के दाम 0.94% तक चढ़ गए और कीमत 65.720 डॉलर प्रति औंस पर ट्रेड करता दिखा।

पिछले कारोबारी दिन क्या रहा चांदी का वायदा भाव

कारोबारियों की ओर से अपने सौदों का आकार घटाए जाने के कारण शुक्रवार को वायदा बाजार में भी चांदी की कीमतों पर दबाव रहा। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर सितंबर डिलीवरी वाली चांदी का कॉन्ट्रैक्ट ₹836 यानी 0.35 प्रतिशत गिरकर ₹2,36,999 प्रति किलोग्राम पर आ गया। हालांकि, न्यूयॉर्क के वैश्विक बाजार में चांदी 0.18 प्रतिशत की तेजी के साथ 65.44 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गई।

(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Copper Price: कॉपर की कीमतों में गिरावट, 2 हफ्ते के निचले स्तर पर फिसला भाव

Copper Price: इंटरनेशनल मार्केट में कॉपर के दाम गिरे। कॉपर वायदा $6.55/पाउंड से नीचे फिसला। कॉपर का भाव करीब 2 हफ्तों के निचले स्तर पर फिसला। ऊंची कीमतों से चीन में मांग कमजोर बना हुआ। चीन में कॉपर की खरीद में गिरावट आई।

यांगशान प्रीमियम में भी गिरावट आई और यांगशान प्रीमियम घटकर 96 डॉलर प्रति टन रहा। पिछले महीने प्रीमियम 115 डॉलर प्रति टन था। Codelco ने उत्पादन लक्ष्य घटाया है। US कॉपर टैरिफ की चिंता बरकरार है। टैरिफ से कॉपर US वेयरहाउस पहुंच रहा है।

क्या है यांगशान प्रीमियम?

यांगशान प्रीमियम LME भाव से ऊपर का प्रीमियम है। चीन में इंपोर्टेड कॉपर की अतिरिक्त लागत का संकेत दिया है।

चीन में यांगशान प्रीमियम का असर

प्रीमियम बढ़े तो कॉपर की मांग मजबूत मानी जाती है। प्रीमियम घटे तो कॉपर की मांग कमजोर मानी जाती है। इंपोर्टेड कॉपर के लिए खरीदार कम दाम देना चाहते हैं। खरीदार पहले जितना प्रीमियम देने को तैयार नहीं हैं। ऊंची कॉपर कीमतों ने चीन में मांग को कमजोर किया।

यांगशान प्रीमियम का गणित

यांगशान प्रीमियम का गणित पर नजर डालें तो LME पर $10,000/टन का अनुमानित भाव है। यांगशान प्रीमियम $96/टन और चीन में इंपोर्टेड कॉपर का अनुमानित भाव $10,096/टन है।

कैसे रहा कॉपर का चाल

इंटरनेशनल मार्केट में कॉपर की चाल पर नजर डालें तो 1 हफ्ते कॉपर की कीमतों में 2 फीसदी की गिरावट आई। वहीं 1 महीने में 3 फीसदी चढ़ा जबकि जनवरी 2026 में अब तक कॉपर में 15 फीसदी चढा। वहीं 1 साल में इसमें 46 फीसदी की तेजी देखने को मिली।

MCX पर कॉपर की चाल पर नजर डालें 1 हफ्ते कॉपर की कीमतों में 1 फीसदी की गिरावट आई। वहीं 1 महीने में 5 फीसदी चढ़ा जबकि 3 महीने में 1 फीसदी गिरा। वहीं 6 महीने में इसमें 13 फीसदी की तेजी आई। इस साल अब तक 8 फीसदी की तेजी आई।

Gold Rally: 31 जुलाई से अब तक 10% भागा सोना, जानिए अब क्या हो इसमें निवेश की रणनीति

(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

सोना ₹1.54 लाख के पार, चांदी ₹3600 चढ़ी, निवेशकों को अब किस बात पर करना चाहिए फोकस!

Gold Silver Price: ग्लोबल बाजार में सोने-चांदी की कीमतों में बढ़त के चलते भारत में बुधवार 12 अगस्त को सोने-चांदी की कीमतों में तेजी जारी रही। हालांकि अब निवेशक जियोपॉलिटिकल अनिश्चितता, तेल की बढ़ती कीमतों और अमेरिकी ब्याज दरों के भविष्य पर नजर बनाए हुए थे। MCX पर अक्टूबर डिलीवरी वाले सोने के वायदा 0.66% बढ़कर ₹1.54 लाख प्रति 10 ग्राम पर ट्रेड कर रहे थे, जबकि सितंबर डिलीवरी वाली चांदी के वायदा 1.50% बढ़कर ₹2.39 लाख प्रति किलोग्राम हो गए।

घरेलू बुलियन मार्केट में यह बढ़त ग्लोबल स्तर पर सोने और चांदी की कीमतों में बढ़ोतरी के कारण आई। जियोपॉलिटिकल तनाव के बीच ‘सेफ-हेवन’ (सुरक्षित निवेश) के तौर पर सोने की मांग बनी रही, जबकि चांदी को औद्योगिक मांग की उम्मीदों से अतिरिक्त सहारा मिला।

कीमतों को क्या दे रहा सहारा

सोना निवेशकों के फोकस में बना हुआ है क्योंकि वे जियोपॉलिटिकल जोखिमों का आकलन कर रहे हैं और फेडरल रिजर्व की ब्याज दर नीति के बारे में संकेत पाने के लिए अमेरिका के लेटेस्ट महंगाई के आंकड़ों का इंतजार कर रहे हैं।

पश्चिम एशिया और उसके आसपास शिपिंग से जुड़े नए तनाव ने तेल की कीमतों को बढ़ा दिया है, जिससे ग्लोबल मार्केट में अनिश्चितता बढ़ गई है। ब्रेंट क्रूड $90 प्रति बैरल की ओर बढ़ गया, जबकि अमेरिकी क्रूड $83 प्रति बैरल से ऊपर ट्रेड कर रहा था।

जियोपॉलिटिकल और आर्थिक अनिश्चितता के समय में अक्सर सोने की मांग बढ़ती है क्योंकि निवेशक इस धातु का इस्तेमाल वैल्यू स्टोर करने और पोर्टफोलियो में विविधता लाने के लिए करते हैं।

आज आने वाले अमेरिकी कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स (CPI) के आंकड़ों पर कड़ी नजर रखी जाएगी, क्योंकि इनका अमेरिकी मॉनेटरी पॉलिसी की उम्मीदों पर असर पड़ सकता है। महंगाई के आंकड़े कम रहने से आसान मॉनेटरी स्थितियों की उम्मीदें मजबूत हो सकती हैं, जबकि उम्मीद से ज्यादा आंकड़े आने पर ब्याज दरों को लेकर अधिक सतर्क रुख अपनाने की संभावना बढ़ सकती है।

सोने से ज्यादा चांदी में बढ़त

बुधवार (12 अगस्त) के घरेलू कारोबार में चांदी ने सोने से बेहतर प्रदर्शन किया, जिसमें MCX पर सितंबर वायदा में 1.50% की बढ़त देखी गई।

चांदी की मांग दो तरह की होती है । पहला निवेश की मांग के साथ-साथ औद्योगिक कामों में भी इसका इस्तेमाल होता है। इससे चांदी को सोने की तरह ‘सेफ-हेवन’ वाले कारकों के अलावा मांग का एक अतिरिक्त सहारा भी मिलता है।

और कितनी तेजी संभव

एस्पेक्ट बुलियन एंड रिफाइनरी के CEO दर्शन देसाई ने कहा, “सोने और चांदी को लगातार मजबूत सहारा मिल रहा है, जो कीमती धातुओं में निवेशकों के मजबूत भरोसे को दर्शाता है।” देसाई के अनुसार, कीमतें अधिक होने के बावजूद दोनों धातुओं की फिजिकल मांग अच्छी बनी हुई है। उन्होंने कहा कि निवेश की दिलचस्पी और लगातार औद्योगिक मांग के कारण चांदी में भी तेजी आई है। साथ ही, देसाई ने चेतावनी दी कि बुलियन की कीमतों में ज़बरदस्त तेज़ी के बाद, कुछ समय के लिए कंसोलिडेशन और प्रॉफ़िट-बुकिंग की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता है।

गोल्ड और सिल्वर ETF में निवेश का प्रवाह पॉज़िटिव है, लेकिन इसकी रफ़्तार धीमी है।एक्सचेंज-ट्रेडेड फंड (ETF) के ज़रिए निवेश का प्रवाह भी मददगार रहा है, हालांकि इसकी रफ़्तार धीमी हुई है।

मिरे एसेट इन्वेस्टमेंट मैनेजर्स के जुलाई के आंकड़ों के अनुसार, गोल्ड और सिल्वर ETF में निवेश का प्रवाह पॉज़िटिव बना रहा, जबकि जुलाई में सिल्वर ETF में निवेश का प्रवाह लगभग ₹1,285 करोड़ रहा, जो जून में ₹4,286 करोड़ था।

इस धीमी रफ़्तार से पता चलता है कि निवेश की मांग खत्म नहीं हुई है, लेकिन नए निवेश की रफ़्तार पिछले महीने की तुलना में कम हुई है।

भारतीय निवेशकों के लिए, घरेलू स्तर पर ऊंची कीमतें, दुनिया भर में भू-राजनीतिक घटनाक्रम, तेल की कीमतें और अमेरिकी ब्याज दरों को लेकर बदलती उम्मीदें – ये सभी बातें आने वाले समय में बुलियन की कीमतों के लिए अहम रहेंगी।

Gold Silver Price: सोने-चांदी की कीमतों में बढ़त, आगे क्या हो सकता है असर?

(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Gold Silver Price: 10 हफ्ते के हाई पर सोना, 1 हफ्ते में 11% चढ़ी चांदी, जानिए इस तेजी के पीछे क्या है वजह

Gold – Silver Price: सोने और चांदी की कीमतों में हालिया तेजी जारी है। सोना 10 हफ्ते के सबसे ऊंचे स्तर पर पहुंच गया है जबकि चांदी में पिछले हफ्ते 11% से ज़्यादा की बढ़त हुई है। इस हफ्ते स्पॉट गोल्ड की कीमत लगभग USD 4,435 प्रति औंस तक पहुंच गई, जो जून के मध्य के बाद का सबसे ऊंचा स्तर है। खबर लिखे जाने के समय USD 4,375 के आसपास थी।

Comex सिल्वर में इस हफ्ते 11% से ज्याजा की तेजी आई। स्पॉट सिल्वर की कीमत लगभग USD 64 प्रति औंस हो गई। भारत में, सोना 10 ग्राम के लिए लगभग 1,55,000 रुपये प्रति 10 ग्राम के आसपास ट्रेड कर रहा था, जबकि MCX सिल्वर में हफ्ते भर में लगभग 6.58% की बढ़त हुई और यह प्रति किलोग्राम लगभग 2,31,804 रुपये प्रति किलोग्राम के आसपास ट्रेड कर रहा था।

सोने-चांदी की कीमतों के पीछे तेजी के एक नहीं बल्कि कई वजह है। इनमें से US में कमजोर रोजगार डेटा, फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरें बढ़ाने की कम होती उम्मीदें, सेंट्रल बैंक द्वारा लगातार सोने की खरीद, ETF में फिर से निवेश आना और होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) को लेकर जियोपॉलिटिकल अनिश्चितता – इन सभी ने मिलकर कीमती धातुओं की मांग को मजबूत किया है।

US में कमजोर जॉब्स डेटा से कम हुई ब्याज दरें बढ़ाने की उम्मीदें

हालिया तेजी की एक मुख्य वजह US जॉब मार्केट से आई। US ब्यूरो ऑफ लेबर स्टैटिस्टिक्स ने 7 अगस्त, 2026 को रिपोर्ट दी कि जुलाई में नॉन-फ़ार्म पेरोल में 23,000 की गिरावट आई, जबकि बाजार को लगभग 80,000 नई नौकरियों की उम्मीद थी। जून के आंकड़ों को भी नीचे की ओर संशोधित किया गया, जबकि मई और जून के संयुक्त संशोधनों से पहले के अनुमानों में लगभग 103,000 नौकरियों की कमी आई।

इस रिपोर्ट के आने के बाद, स्पॉट गोल्ड 2.67% बढ़कर USD 4,352.60 हो गया, जबकि चांदी 4.20% बढ़कर USD 63.97 हो गई, क्योंकि ट्रेडर्स ने सितंबर में फ़ेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरें बढ़ाने की उम्मीदें कम कर दीं।

बाजार अब सितंबर में 25 बेसिस पॉइंट की ब्याज दर बढ़ोतरी की संभावना लगभग 44% मान रहा है, जबकि एक हफ्ते पहले यह संभावना 67% थी। सोने पर कोई ब्याज या डिविडेंड नहीं मिलता है, इसलिए ब्याज दरें कम रहने की उम्मीद से इस मेटल को रखने की ‘अपॉर्चुनिटी कॉस्ट’ कम हो सकती है और इसकी मांग को बढ़ावा मिल सकता है।

फेडरल रिजर्व के ब्याज दर पर फैसले पर नजर

फेडरल ओपन मार्केट कमेटी ने 29 जुलाई को अपनी बेंचमार्क ब्याज दर को 3.50% से 3.75% के दायरे में बनाए रखने के लिए 9-3 से वोट किया। हालांकि फेडरल रिजर्व ने पॉलिसी में किसी बड़े बदलाव का साफ संकेत नहीं दिया है, लेकिन कमजोर रोजगार डेटा और दरों को स्थिर रखने के फैसले ने निकट भविष्य में ब्याज दरें बढ़ने की उम्मीदों को कम कर दिया है।

कीमती धातुओं के लिए अगला बड़ा ट्रिगर इस सप्ताह के आखिर में आने वाला अमेरिकी महंगाई का डेटा है। कमजोर पेरोल रिपोर्ट से सितंबर में ब्याज दरें बढ़ाने के लिए फेडरल रिजर्व पर दबाव कम हो सकता है, हालांकि उम्मीद से ज्यादा महंगाई दर बढ़ने की उम्मीदों को फिर से जगा सकती है और सोने-चांदी पर दबाव डाल सकती है।

सेंट्रल बैंक की रिकॉर्ड खरीदारी से सोने को मिला सहारा

कीमतों में अल्पकालिक उतार-चढ़ाव के अलावा, सेंट्रल बैंक की मजबूत मांग ने सोने को एक मजबूत आधार दिया है। वर्ल्ड गोल्ड काउंसिल की ‘गोल्ड डिमांड ट्रेंड्स Q2 2026’ रिपोर्ट के अनुसार, अप्रैल-जून तिमाही के दौरान सेंट्रल बैंकों की शुद्ध सोने की खरीदारी 289 टन ​​तक पहुंच गई। यह Q1 2026 के स्तर से पांच गुना अधिक और रिकॉर्ड पर दूसरी तिमाही का सबसे अधिक आंकड़ा था।

सेंट्रल बैंक की खरीदारी एक साल पहले की इसी अवधि की तुलना में 62% अधिक थी। पोलैंड के नेशनल बैंक ने Q2 के दौरान 51 टन सोना जोड़ा, जिससे उसका भंडार 632 टन हो गया, जबकि पीपल्स बैंक ऑफ चाइना ने 33 टन सोना जोड़ा, जो Q4 2023 के बाद से उसकी सबसे बड़ी तिमाही खरीदारी थी।

वर्ल्ड गोल्ड काउंसिल के नवीनतम सर्वेक्षण में भी सेंट्रल बैंक की मांग जारी रहने की मजबूत उम्मीदें दिखाई दीं। लगभग 89% उत्तरदाताओं को उम्मीद थी कि अगले वर्ष वैश्विक स्वर्ण भंडार में वृद्धि होगी, जबकि रिकॉर्ड 45% लोगों को उम्मीद थी कि वे अपने स्वयं के स्वर्ण भंडार में वृद्धि करेंगे।

ETF में फिर से निवेश बढ़ा

सोने को ETF की खरीदारी से भी सहारा मिला है। 20 जुलाई के बाद से एक्सचेंज-ट्रेडेड फंड (ETF) में कुल बुलियन होल्डिंग में 24 टन की वृद्धि हुई है, जो अप्रैल की शुरुआत के बाद से निवेश के प्रवाह की सबसे तेज गति है।

ETF की मांग में यह वापसी ऐसे समय में हुई है जब सेंट्रल बैंक की खरीदारी अधिक बनी हुई है, जिससे इस पीली धातु के लिए निवेश की मांग का एक और स्रोत मिल रहा है। संस्थागत खरीदारी और ETF में फिर से निवेश बढ़ने से कीमतों को सहारा मिला है, भले ही ऊंची कीमतों के कारण गहनों की मांग पर दबाव बना हुआ है।

ब्रोकरेज हाउस क्या दे रहे अनुमान

जेपी मॉर्गन को उम्मीद है कि सोने की कीमतें $6,000 प्रति औंस तक पहुंच सकती है। गोल्डमैन सैक्स का अनुमान है कि इस साल के आखिर तक कीमते $5,400 के स्तर पर पहुंच सकती है। वहीं मेटल फोकस का अनुमान है कि कीमतें $6,000 प्रति औंस तक पहुंच सकती है। वहीं डॉयचे बैंक, एचएसबीसी और ING जैसे कई बैंक इस कैलेंडर साल की चौथी तिमाही तक सोने की कीमत $4,600 से $4,900 के बीच रहने का अनुमान लगा रहे है।

 

MCX पर सोना ₹1.53 लाख के पार, चांदी ₹2.36 के नीचे फिसली, जानें किस कारण बढ़ी मांग

(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।