Gold silver Price: MCX पर सोने-चांदी की कीमतों में उछाल, एक्सपर्ट्स से जानें अब क्या होनी चाहिए निवेश रणनीति

Gold silver Price: वायदा बाजार में सोने-चांदी की कीमतों में उछाल देखने को मिल रहा है। सितंबर में आई भारी गिरावट के बाद सोने-चांदी की कीमतों में रिकवरी आई। MCX पर सोने के दिसंबर फ्यूचर्स 0.32% बढ़कर ₹1.49 लाख प्रति 10 ग्राम पर ट्रेड कर रहे थे, जबकि चांदी के दिसंबर फ्यूचर्स 0.11% बढ़कर ₹2.26 लाख प्रति किलोग्राम पर थे।

सोने में यह रिकवरी तब आई है जब बाजार US फेडरल रिजर्व की मॉनेटरी पॉलिसी को लेकर अपनी उम्मीदों का फिर से आकलन कर रहे हैं। US में रोजगार के कमजोर आंकड़ों ने तुरंत ब्याज दरें बढ़ने की उम्मीदों को कम कर दिया है, हालांकि मजबूत डॉलर और US ट्रेजरी यील्ड में बढ़ोतरी अभी भी बुलियन (सोने-चांदी) के लिए चुनौती बनी हुई है।

अब क्या हो रणनीति

बोनान्ज़ा के सीनियर रिसर्च एनालिस्ट निरपेंद्र यादव ने कहा कि सितंबर के आखिर में आई गिरावट के बाद सोने ने हफ्ते की शुरुआत मजबूती के साथ की है। उन्हें उम्मीद है कि बाजार में उतार-चढ़ाव बना रहेगा और MCX पर सोने के लिए ₹1.46 लाख प्रति 10 ग्राम एक अहम सपोर्ट लेवल होगा, जबकि ₹1.53–1.55 लाख प्रति 10 ग्राम शुरुआती रेजिस्टेंस ज़ोन का काम कर सकता है।

उन्होंने ने कहा, “ऊंचे लेवल पर रिकवरी के पीछे भागने के बजाय, कीमतों में गिरावट आने पर नई खरीदारी करने पर विचार करना चाहिए।”

लेमन (Lemonn) में रिसर्च हेड गौरव गर्ग ने कहा कि डॉलर और US यील्ड (yields) के ऊंचे स्तरों के कारण सोने और चांदी दोनों पर दबाव है, जबकि वेस्ट एशिया में सप्लाई से जुड़ी चिंताओं के बीच कच्चे तेल की कीमतों में बढ़ोतरी हो रही है। उन्होंने कहा कि US डॉलर के मुकाबले रुपया 96.32 के करीब होना भी भारतीय कमोडिटी की कीमतों के लिए एक अहम फैक्टर है।

आनंद राठी शेयर एंड स्टॉक ब्रोकर्स की रिसर्च एनालिस्ट (कमोडिटीज और करेंसी) वेदिका नार्वेकर ने कहा कि सोना $4,140 प्रति औंस के आसपास बना हुआ है, क्योंकि बाजार मजबूत डॉलर और बढ़ती यील्ड की तुलना फेड के ब्याज दर आउटलुक से कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि बाजार अक्टूबर में ब्याज दरें बढ़ने की 21% संभावना मानकर चल रहे हैं, जो एक हफ्ते पहले 50% से अधिक थी।

इंटरनेशनल मार्केट के लिए, नार्वेकर $4,100 प्रति औंस को अहम सपोर्ट और $4,200 को रेजिस्टेंस मानती हैं। MCX पर, वह तुरंत सपोर्ट ₹1.48 लाख प्रति 10 ग्राम और रेजिस्टेंस ₹1.50 लाख प्रति 10 ग्राम पर देखती हैं।

इस बीच, चांदी की कीमतों में तुलनात्मक रूप से ज्यादा मजबूती दिख रही है। Giottus.com के CEO विक्रम सुब्बुराज ने कहा कि MCX का दिसंबर का चांदी का कॉन्ट्रैक्ट ₹2.25 लाख प्रति किलोग्राम से ऊपर बना हुआ है और खरीदार निचले स्तरों पर इसे सहारा दे रहे हैं। उनके अनुसार, ₹2.28–2.30 लाख प्रति किलोग्राम का स्तर अगला अहम ज़ोन है जिस पर नज़र रखनी होगी, जबकि ₹2.25 लाख प्रति किलोग्राम का स्तर एक महत्वपूर्ण सपोर्ट बना हुआ है।

सोने के बारे में सुब्बुराज ने कहा कि ₹1.50–1.51 लाख प्रति 10 ग्राम का दायरा ऐसा ज़ोन बन गया है जहां 5 अक्टूबर को कॉन्ट्रैक्ट के ₹1.50 लाख प्रति 10 ग्राम से ऊपर जाने के बाद बिकवाली देखी जा रही है।

Silver Price Today: हफ्ते के दूसरे दिन चांदी हुई सस्ती, जानें आपके अपने शहर में क्या है ताजा भाव

(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Gold Silver Prices Today: सोना ₹1020 सस्ता हुआ, ₹1.50 लाख से नीचे आया भाव; चांदी भी ₹2887 टूटी

Gold Silver Prices Today: सोने की कीमतों में सोमवार को करीब 1% की गिरावट आई। मजबूत अमेरिकी डॉलर के कारण सोने की तेजी पर दबाव बना हुआ है। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर दिसंबर डिलीवरी वाला सोना ₹1,020 गिरकर ₹1,49,370 प्रति 10 ग्राम पर आ गया।

पिछले हफ्ते छुट्टियों के कारण कम कारोबार वाले सत्र में भी सोने की कीमतों में गिरावट आई थी। सोना ₹2,887 यानी करीब 2% टूटकर ₹1.50 लाख प्रति 10 ग्राम पर रहा। शुक्रवार को महात्मा गांधी जयंती के कारण घरेलू कमोडिटी बाजार बंद था।

मजबूत डॉलर से सोने पर दबाव

Choice Broking की कमोडिटी टेक्निकल एनालिस्ट कावेरी मोरे ने कहा कि सोने की कीमतें फिलहाल एक दायरे में बनी हुई हैं। मजबूत अमेरिकी डॉलर और ऊंची बॉन्ड यील्ड के कारण सोने में तेजी की रफ्तार सीमित है। डॉलर इंडेक्स 102.37 के आसपास 18 महीने के ऊंचे स्तर पर बना हुआ है। इससे सोने पर दबाव बढ़ रहा है।

अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना

अंतरराष्ट्रीय बाजार में न्यूयॉर्क के कॉमेक्स पर दिसंबर डिलीवरी वाला सोना मामूली बढ़त के साथ 4,163.50 डॉलर प्रति औंस पर कारोबार कर रहा था।

निवेश प्लेटफॉर्म Mudrex के लीड क्वांट एनालिस्ट अक्षत सिद्धांत के मुताबिक, अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना 4,150 डॉलर प्रति औंस के ऊपर बना हुआ है। शुक्रवार को यह थोड़े समय के लिए 4,200 डॉलर के पार चला गया था।

अमेरिका के कमजोर रोजगार आंकड़ों से फेडरल रिजर्व की अक्टूबर में ब्याज दर बढ़ाने की उम्मीद घटकर 20% से नीचे आ गई है। हालांकि, दिसंबर में दर बढ़ने की संभावना अभी करीब 70% मानी जा रही है।

पिछले हफ्ते सोना और चांदी दोनों टूटे

पिछले हफ्ते अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना 158.9 डॉलर यानी 3.7% गिरकर 4,162.3 डॉलर प्रति औंस पर बंद हुआ। वहीं, चांदी 4.38 डॉलर यानी 6.7% गिरकर 60.41 डॉलर प्रति औंस पर आ गई।

Motilal Oswal Financial Services के कमोडिटी एनालिस्ट मानव मोदी के मुताबिक, अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड ऊंची रहने के कारण सोने की रिकवरी पर दबाव बना हुआ है। 10 साल की अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड करीब 5.2% पर बनी हुई है। लगातार महंगाई, राजकोषीय चिंताएं और सरकार की ज्यादा उधारी इसके पीछे प्रमुख कारण हैं।

आगे किन आंकड़ों पर नजर?

एनालिस्ट के मुताबिक, इस हफ्ते प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं के सर्विसेज PMI आंकड़े, अमेरिका के व्यापार आंकड़े और महीने के मध्य में आने वाले कंज्यूमर सेंटिमेंट के आंकड़े सोने की दिशा के लिए अहम होंगे।

इसके अलावा अमेरिका और ईरान के बीच जारी तनाव भी कीमती धातुओं में उतार-चढ़ाव बढ़ा सकता है।

PPF vs NPS: किसमें निवेश पर ज्यादा फायदा मिलेगा? समझिए पूरा कैलकुलेशन

Gold Silver Price: सोने में मामूली तेजी, विदेश में चांदी 2% हुई महंगी, इस हफ्ते बुलियन मार्केट के लिए अहम संकेत

Gold Silver Price: इंटरनेशनल मार्केट में सोमवार (5 अक्टूबर) को शुरुआती कारोबार में सोने और चांदी की कीमतों में बढ़ोतरी हुई। बुलियन मार्केट अमेरिकी डॉलर, ट्रेजरी यील्ड और जियोपॉलिटिकल (भू-राजनीतिक) घटनाक्रमों पर नजर बनाए हुए है। 5 अक्टूबर के मार्केट डेटा के अनुसार, COMEX पर सोना 0.47% बढ़कर $4,182 प्रति औंस पर ट्रेड कर रहा था, जबकि चांदी 1.96% बढ़कर $61.60 प्रति औंस पर थी।

यह बढ़त पिछले हफ्ते आई भारी गिरावट के बाद हुई है। दिसंबर डिलीवरी के लिए COMEX गोल्ड फ्यूचर्स पिछले हफ्ते 3.7% गिरकर $4,162.3 प्रति औंस पर बंद हुआ था, जबकि चांदी 6.7% गिरकर $60.41 प्रति औंस पर आ गई थी।

पिछले हफ्ते मजबूत अमेरिकी डॉलर और ऊंची बॉन्ड यील्ड का असर बुलियन पर पड़ा, जिससे प्रॉफिट-बुकिंग हुई। इससे पहले, कमजोर अमेरिकी रोजगार डेटा और मॉनेटरी पॉलिसी (मौद्रिक नीति) को लेकर उम्मीदों से सोने को सपोर्ट मिला था।

सोने के लिए, डॉलर और अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड निकट भविष्य में अहम कारक बने रहेंगे। डॉलर में लगातार बढ़ोतरी या यील्ड में और वृद्धि से सोने पर दबाव पड़ सकता है, जबकि इनमें से किसी में भी बदलाव से कुछ सपोर्ट मिल सकता है।

जियोपॉलिटिकल घटनाक्रमों से भी कीमतों में उतार-चढ़ाव बने रहने की संभावना है। अगर तनाव बढ़ता है, तो अमेरिका-ईरान के बीच अनसुलझे हालात ‘सेफ-हेवन’ (सुरक्षित निवेश) के तौर पर सोने की मांग को फिर से बढ़ा सकते हैं, हालांकि तेल की सप्लाई को लेकर चिंताएं कम होने से पिछले हफ्ते बुलियन में जियोपॉलिटिकल रिस्क प्रीमियम कुछ कम हुआ था।

कीमती और इंडस्ट्रियल मेटल (औद्योगिक धातु) के तौर पर दोहरी भूमिका के कारण चांदी में अपेक्षाकृत अधिक उतार-चढ़ाव रह सकता है। हाल ही में इसमें सोने की तुलना में अधिक गिरावट आई थी, और इंडस्ट्रियल कमोडिटीज में व्यापक कमजोरी का असर भी इसकी कीमतों पर पड़ा।

घरेलू मोर्चे पर, निवेशक इस हफ्ते के आखिर में रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया के मॉनेटरी पॉलिसी के फैसले पर नज़र रखेंगे। साथ ही, वे ब्याज दरों, डॉलर और बुलियन के बारे में और संकेतों के लिए ग्लोबल इकोनॉमिक डेटा – जिसमें सर्विसेज PMI रीडिंग, अमेरिकी व्यापार के आंकड़े और कंज्यूमर सेंटीमेंट डेटा शामिल हैं – पर भी ध्यान देंगे। MCX पर, दिसंबर डिलीवरी के लिए सोने के फ़्यूचर्स पिछले हफ़्ते के आखिर में लगभग ₹1.5 लाख प्रति 10 ग्राम पर बंद हुए, जिसमें करीब 2% की गिरावट आई, जबकि चांदी की कीमत लगभग 4% गिरकर ₹2.25 लाख प्रति किलोग्राम के आसपास आ गई।

जानकारों का मानना ​​है कि डॉलर, बॉन्ड यील्ड और जियोपॉलिटिकल घटनाक्रम में बदलाव का असर बुलियन (सोने-चांदी) की कीमतों पर पड़ेगा और निकट भविष्य में इनकी चाल दोनों तरफ़ (ऊपर-नीचे) रहने की संभावना है।

(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Stock Markets Holiday: 2 अक्तूबर यानी शुक्रवार को बीएसई और एनएसई में नहीं होगा कारोबार

Stock Markets Holiday: शेयर बाजारों में शुक्रवार यानी 2 अक्तूबर को कारोबार नहीं होगा। बीएसई और एनएसई दोनों बंद रहेंगे। इसकी वजह यह है कि 2 अक्तूबर को गांधी जयंती है। इस मौके पर राष्ट्रीय अवकाश होता है। इसका मतलब है कि सभी सरकारी ऑफिसेज, प्राइवेट ऑफिसेज, आरबीआई, बैंक आदि में छुट्टी होती है।

तीन दिन बाद बीएसई और एनएसई 5 अक्तूबर को खुलेंगे

प्राइवेट बैंक, सरकारी बैंक, क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक, कोऑपरेटिव बैंक और विदेशी बैंकों की भी सभी शाखाएं बंद रहेंगी। चूंकि, शेयर बाजारों में हर हफ्ते सिर्फ पांच दिन कारोबार होता है, जिससे इस बार गुरुवार यानी 1 अक्तूबर इस हफ्ते का अंतिम कारोबारी दिन था। अब शेयर बाजार यानी BSE और NSE 5 अक्तूबर को खुलेंगे।

कमोडिटी एक्सचेंज एमसीएक्स में भी 2 अक्तूबर को रहेगी छुट्टी

कमोडिटी एक्सचेंज MCX भी गांधी जयंती के मौके पर बंद रहेगा। कमोडिटी एक्सचेंज में सुबह और शाम दोनों ही सत्रों में कारोबार नहीं होगा। इसका मतलब है कि एमसीएक्स में भी कारोबार की शुरुआत 5 अक्तूबर यानी सोमवार को होगी। उस दिन दोनों ही सत्रों में एक्सचेंज में सामान्य कामकाज होगा।

20 अक्तूबर को भी दशहरा के मौके पर बंद रहेंगे शेयर बाजार 

शेयर बाजार इस महीने दशहरा के मौके पर भी बंद रहेंगे। इसका मतलब है कि 20 अक्तूबर यानी मंगलवार को भी बीएसई और एनएसई में कारोबार नहीं होगा। 2 अक्तूबर को बैंकों और दूसरे वित्तीय संस्थानों में छुट्टी होने से चेक की क्लियरिंग भी नहीं होगी। हालांकि, नेट बैंकिंग सुविधाएं उपलब्ध रहेंगी। बैंकों के एटीएम भी छुट्टी के दिन खुले रहेंगे।

हफ्ते के अंतिम कारोबारी दिन भी शेयर बाजारों में बड़ी गिरावट 

शेयर बाजारों में 1 अक्तूबर को भी गिरावट देखने को मिली। Sensex 0.8 फीसदी यानी 570 अंक गिरकर 71,909 पर बंद हुआ। Nifty 0.9 फीसदी यानी 198 अंक गिरकर 22,421 पर क्लोज हुआ। आईटी छोड़कर निफ्टी के सभी सेक्टर सूचकांकों में गिरावट आई। ऑटो इंडेक्स 3 फीसदी गिरा। इसमें बजाज ऑटो में 6 फीसदी गिरावट का बड़ा हाथ रहा। M&M का शेयर भी 2.4 फीसदी गिरकर बंद हुआ।

Gold outlook: सोने-चांदी की कीमतों में तेजी क्या फेस्टिव सीजन में बढ़ाएगी मांग या सुस्त रहेगा बाजार, जानें एक्सपर्ट की राय

Gold outlook:  घरेलू मार्केट में सोने-चांदी की कीमतों में गुरुवार 1 अक्टूबर को तेजी देखने को मिली। अमेरिकी ब्याज दरों पर बाजार के नजरिए और भारत में आने वाले त्योहारों और शादी-ब्याह के सीजन को देखते हुए इन दोनों कीमती धातुओं की कीमतों में इजाफा हुआ। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर, दिसंबर के सोने के वायदा सौदे 0.51% बढ़कर ₹1.49 लाख प्रति 10 ग्राम पर कारोबार कर रहे थे, जबकि दिसंबर के चांदी के वायदा सौदे 0.40% बढ़कर ₹2.24 लाख प्रति किलोग्राम पर थे।

हाल के दिनों में सोने की कीमतों पर दबाव बना हुआ है क्योंकि अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड (yields) में बढ़ोतरी और डॉलर के मजबूत होने से जियोपॉलिटिकल अनिश्चितता और महंगाई की चिंताओं से मिलने वाला सहारा बेअसर हो गया है।

वेंचुरा में कमोडिटी प्रमुख एनएस रामास्वामी ने कहा कि सोना अभी इन विपरीत ताकतों के बीच फंसा हुआ है, जिसमें ऊंची यील्ड से बिना रिटर्न (non-yielding) वाली संपत्ति को रखने की अवसर लागत (opportunity cost) बढ़ रही है।

उन्होंने कहा कि फेडरल रिजर्व का ब्याज दरों पर फैसला और आने वाले अमेरिकी पेरोल डेटा सोने की निकट भविष्य की चाल के लिए महत्वपूर्ण हैं। रामास्वामी के अनुसार, सोने ने ब्याज दरों में कटौती की उम्मीद से मिलने वाला प्रीमियम कुछ हद तक खो दिया है, लेकिन केंद्रीय बैंकों की खरीद और गोल्ड ETF में निवेश के प्रवाह से इसे संरचनात्मक समर्थन मिल रहा है।

कीमतों में हालिया गिरावट (correction) ने फिजिकल डिमांड (असली सोने की मांग) पर भी ध्यान खींचा है, क्योंकि भारत में त्योहारों और शादी-ब्याह का मुख्य सीजन शुरू हो रहा है।

त्योहारी सीजन में 15-20% बढ़ सकती है खरीदारी

कामा ज्वैलरी के एमडी कॉलिन शाह ने कहा कि धनतेरस और दिवाली के दौरान त्योहारों की मांग ऐतिहासिक रूप से काफी मजबूत रही है क्योंकि सोना खरीदने से सांस्कृतिक महत्व जुड़ा होता है। हालांकि, ऊंची कीमतों के कारण उपभोक्ता सोने की खरीद की मात्रा में बदलाव कर सकते हैं।

शाह के अनुसार, उपभोक्ता हल्की और आधुनिक डिजाइन वाली ज्वैलरी की ओर बढ़ रहे हैं जो उनके तय घरेलू बजट में फिट बैठती है। उन्होंने पुराने सोने के बदले नया सोना लेने (exchange) के बढ़ते चलन पर भी जोर दिया, जिससे खरीदार अपनी मौजूदा ज्वैलरी को रीसाइकिल करके नई ज्वैलरी ले सकते हैं।

शादी-ब्याह से जुड़ी खरीदारी से भी मांग को सपोर्ट मिलने की उम्मीद है। शाह ने औसत खरीद मूल्य (ticket size) ₹1.5 लाख से ₹3 लाख के बीच बताया और उम्मीद जताई कि त्योहारों के मुख्य सीजन के दौरान इसमें 15-20% की बढ़ोतरी हो सकती है, जैसा कि पिछले साल हुआ था।

चांदी पर क्या बनाए रणनीति

इस बीच, हालिया गिरावट के बाद चांदी की कीमतों में भी सुधार हुआ है। रिद्धि-सिद्धि बुलियन लिमिटेड के मैनेजिंग डायरेक्टर और इंडिया बुलियन एंड ज्वैलर्स एसोसिएशन के प्रेसिडेंट पृथ्वीराज कोठारी ने कहा कि डॉलर के मजबूत होने और ट्रेजरी यील्ड बढ़ने से सोने और चांदी पर दबाव पड़ा है।

चांदी की कीमतों में काफी उतार-चढ़ाव बना हुआ है, क्योंकि इसकी कीमत पर निवेश की मांग और औद्योगिक इस्तेमाल, दोनों का असर पड़ता है।

भारतीय खरीदारों के लिए रुपये की चाल भी अहम रहेगी। लेमन (Lemonn) के रिसर्च हेड गौरव गर्ग ने कहा कि रुपया कमजोर होने से घरेलू कमोडिटी की कीमतें ऊंची बनी हुई हैं, भले ही ग्लोबल कीमतें बदल रही हों।

आगे चलकर, कीमती धातुओं की कीमतें US में ब्याज दरों के आउटलुक, ट्रेजरी यील्ड, डॉलर और जियोपॉलिटिकल हालात के प्रति संवेदनशील बनी रह सकती हैं, जबकि भारत में धनतेरस, दिवाली और शादी-ब्याह का सीजन फिजिकल डिमांड को सहारा दे सकता है।

Silver Price Today: अक्टूबर के पहले दिन चांदी हुई महंगी, खरीदारी से पहले जानें आज 10 प्रमुख शहरों के ताजा रेट

(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Silver Gold Price Today : MCX पर सोने-चांदी में 1% से ज्यादा की तेजी, जानिए इनमें आज क्या हो कमाई की रणनीति

Silver Gold Price Today : एमसीएक्स पर सोने का अक्टूबर वायदा 1,904 रुपए यानी 1.30 फीसदी की बढ़त के साथ 148,021 रुपए पर दिख रहा है। वहीं, सिल्वर का दिसंबर वायदा 2,544 रुपए यानी 1.11 फीसदी की बढ़त के साथ 226,190 रुपए पर दिख रहा है। केडिया एडवाइजरी का कहना है कि आज सोने की ट्रेडिंग रेंज 147470-151880 है। महंगाई उम्मीद से कम रहने के कारण सोने की कीमतों में बढ़त हुई है। इससे यह उम्मीद मजबूत हुई कि फेडरल रिजर्व ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं करेगा। US का हेडलाइन PCE प्राइस इंडेक्स महीने-दर-महीने 0.3% बढ़ा है, जबकि खाने-पीने की चीज़ों और एनर्जी को छोड़कर कोर PCE में 0.2% की बढ़ोतरी हुई है। शुक्रवार को आने वाली सरकारी रोज़गार रिपोर्ट में पेरोल में 90,000 की बढ़ोतरी दिखने की उम्मीद है। जुलाई में हांगकांग के ज़रिए चीन का नेट गोल्ड इंपोर्ट जून के मुकाबले लगभग 11% और साल-दर-साल आधार पर 28% बढ़ा है।

केडिया एडवाइजरी की MCX गोल्ड दिसंबर फ्यूचर्स में 150000 रुपए के आसपास, 151000 रुपए के स्टॉप-लॉस के साथ, 148500-147500 रुपए के टारगेट को लिए खरीदारी की सलाह है।

ICICI डायरेक्ट की राय है कि मज़बूत अमेरिकी डॉलर और बढ़ती ट्रेजरी यील्ड के दबाव में, स्पॉट गोल्ड के $4,200 के लेवल के पास रुकावट का सामना करने और $4,100 की ओर गिरने की उम्मीद है। एनर्जी की वजह से लगातार बनी हुई महंगाई और बॉन्ड यील्ड में बढ़ोतरी से कीमतों पर दबाव पड़ने की संभावना है। इसके अलावा,अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत में बहुत कम प्रगति होने से तेल की कीमतें ऊंची बनी रहेंगी और बड़े सेंट्रल बैंकों को सख्त मॉनेटरी पॉलिसी अपनाने के लिए मजबूर होना पड़ेगा।

दूसरी ओर सेंट्रल बैंको की भारी खरीदारी और ETF में बेहतर निवेश से बुलियन की कीमतों को सहारा मिलेगा। इस बीच,शुक्रवार को आने वाली US जॉब रिपोर्ट पर सबकी नजरें होंगी,जिससे US लेबर मार्केट की मजबूती के बारे में और साफ जानकारी मिल सकती है।

MCX गोल्ड दिसंबर के लिए ₹152,000 के आस-पास रेजिस्टेंस दिख रहा है। इसके ₹148,000-₹147,000 के लेवल तक गिरने की उम्मीद है। MCX सिल्वर दिसंबर के ₹221,000 और ₹228,000 के लेवल के बीच बने रहने की उम्मीद है। अगर यह ₹221,000 से नीचे जाता है,तो इसमें ₹218,000 के लेवल तक गिरावट आ सकती है।

 

Silver Price Today: अक्टूबर के पहले दिन चांदी हुई महंगी, खरीदारी से पहले जानें आज 10 प्रमुख शहरों के ताजा रेट

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Silver Gold Price Today : MCX पर सोने-चांदी में दिख रही तेजी, जानिए इनमें आज क्या हो कमाई की रणनीति

Silver Gold Price Today : घरेलू बाजार में सोने-चांदी में आज बढ़त के साथ कारोबार होता दिख रहा है। 11.25 बजे के आसपास एमसीएक्स पर गोल्ड का अक्टूबर वायदा 1,018 रुपए यानी 0.70 फीसदी की बढ़त के साथ 147,250 रुपए पर कारोबार कर रहा था। वहीं, चांदी का दिसंबर वायदा 915 रुपए यानी 0.41 फीसदी की तेजी के साथ 226,365 रुपए पर नजर आ रहा था। अमेरिका और ईरान के बीच जारी जियोपॉलिटिकल अनिश्चितता के चलते आज भारत के रिटेल मार्केट में सोने की कीमत बढ़ गई है।

उधर बुधवार को इंटरनेशनल मार्केट में सोने की कीमतों में गिरावट आई और मंथली लॉस की ओर बढ़ता दिख रहा है। ब्याज दरें बढ़ने की उम्मीदों का असर मार्केट सेंटीमेंट पर पड़ा है। साथ ही,इन्वेस्टर्स फेडरल रिजर्व के अगले पॉलिसी फैसले के बारे में अंदाजा लगाने के लिए US के महंगाई के आंकड़ों पर नजरें बनाए हुए हैं। इंटरनेशनल मार्केट में स्पॉट गोल्ड 0.2% गिरकर $4,170.63 प्रति औंस पर आ गया और इस महीने अब तक इसमें 6% से ज़्यादा की गिरावट आई है।

Giottus.com के CEO विक्रम सुब्बुराज का कहना है कि MCX पर अक्टूबर का गोल्ड फ्यूचर्स 29 सितंबर को ₹1,46,247 प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ,जो ₹557 या 0.38% कम था। 28 सितंबर को इस कॉन्ट्रैक्ट में 2.7% की गिरावट आई थी। मंगलवार के कारोबार में दिसंबर कॉन्ट्रैक्ट का गोल्ड लगभग ₹1,48,766 पर था। दिसंबर का सिल्वर कॉन्ट्रैक्ट लगभग ₹2,25,945 पर था,जिसमें 0.91% की गिरावट आई थी। यह गिरावट काफी तेज़ रही है। सोना सितंबर के मध्य में लगभग ₹1.54 लाख प्रति 10 ग्राम से गिरकर लगभग ₹1.46 लाख पर आ गया है।

उन्होंने आगे कहा कि यूएस फेड के हालिया बयानों से कुछ राहत मिली है। न्यूयॉर्क फेड के प्रेसिडेंट जॉन विलियम्स ने कहा है कि ब्याज दरों में और बढ़ोतरी की कोई जल्दबाजी नहीं है। नतीजतन, बाज़ार ने अक्टूबर में दरों की बढ़ोतरी की संभावना को पहले के लगभग 70% से घटाकर लगभग 50% कर दिया है। भारतीय निवेशकों के लिए सोने-चांदी में उतार-चढ़ाव ज़्यादा रहने की संभावना है। रुपया भी अहम होगा क्योंकि करेंसी की कमजोरी घरेलू बाजार में सोने-चांदी की कीमतों को सहारा दे सकती है।

कमोडिटी में कमाई वाले कॉल

कमोडिटी में कमाई वाले कॉल के लिए आज हमारे साथ हैं Kedia Advisory के अजय केडिया। आज इनकी गोल्ड और सिल्वर में खरीदारी की सलाह है। गोल्ड में इनकी 147000 रुपए के आसपास, 146000 रुपए के स्टॉप-लॉस के साथ, 150000 रुपए के टारगेट के लिए खरीदारी की सलाह है। वहीं,सिल्वर में इनकी 224000 रुपए के आसपास, 222000 रुपए के स्टॉप-लॉस के साथ, 228000 रुपए के टारगेट के लिए खरीदारी की सलाह है।

 

 

Silver Price Today: चांदी की कीमतें हुई सस्ती, खरीदारी से पहले जानें आज 10 प्रमुख शहरों के ताजा रेट

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Silver Price Today: चांदी की कीमतें हुई सस्ती, खरीदारी से पहले जानें आज 10 प्रमुख शहरों के ताजा रेट

Silver Price Today: भारत में चांदी की कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी है। मंगलवार को हफ्ते के दूसरे कारोबारी दिन भी चांदी में दबाव देखने को मिला था। वहीं आज यानी 30 सितंबर को भी कीमतों में गिरावट देखने को मिल रही है। MCX पर चांदी का वायदा भाव सुबह तक 0.11% घटकर यानी 250 रुपये गिरावट के साथ 2,25,200 रुपये प्रति किलो हो गया। जबकि पिछले कारोबारी सत्र में चांदी 2,25,450 रुपये प्रति किलो पर बंद हुई थी।

दिल्ली में चांदी की कीमत (सभी टैक्स समेत) 2.32 लाख रुपये प्रति किलो पर है। जबकि गुडरिटर्न्स के मुताबिक चांदी 2,40,000 रुपये प्रति किलो पर है। वहीं बुलियन के मुताबिक चांदी की कीमत 2,25,300 रुपये किलो हो गई। जबकि अंतरराष्ट्रीय बाजार में 61.95 डॉलर प्रति औंस पर नजर आ रही है।

बता दें कि मजबूत मांग और करेंसी में उतार-चढ़ाव के कारण चांदी की कीमतों में तेजी से बढ़ोतरी हुई है। 2023-2024 में कीमतें लगभग ₹78,600 प्रति किलोग्राम थीं, जो सितंबर 2026 में बढ़कर ₹240,000 प्रति किलोग्राम से ज़्यादा हो गई।

दिल्ली-मुंबई समेत प्रमुख शहरों में आज चांदी का रेट

देश के प्रमुख शहरों में गुडरिटर्न्स के मुताबिक चांदी की कीमतें करीब 2,40,000-2,45,000 लाख रुपये प्रति किलोग्राम के आसपास बनी हुई हैं। कुछ शहरों में स्थानीय बाजार और टैक्स के कारण मामूली अंतर देखने को मिल सकता है।

शहर1 किलो चांदी का भाव
दिल्ली₹2,39,900
मुंबई₹2,39,900
कोलकाता₹2,39,900
चेन्नई₹2,39,900
लखनऊ₹2,39,900
पटना₹2,39,900
जयपुर₹2,39,900
अहमदाबाद₹2,39,900
पुणे₹2,39,900
बेंगलुरु₹2,39,900
हैदराबाद₹2,39,900
भोपाल₹2,39,900
चंडीगढ़₹2,39,900
नोएडा₹2,39,900
गुरुग्राम₹2,39,900

कहां रखें नजर

बुधवार का दिन ट्रेंड पलटने (रिवर्सल) की पुष्टि करने वाला होगा और उसी दिन PCE रिपोर्ट भी आएगी। इसके बाद पेरोल डेटा आएगा। मंगलवार को खरीदारी करने वालों को और लोगों का साथ चाहिए और उन्हें जल्द ही खुद को साबित करना होगा।

सेलर्स ने चांदी की कीमत को $60.30 तक गिरा दिया था, लेकिन मंगलवार देर रात बायर्स ने इसे वापस $60.84 के ऊपर पहुँचा दिया। बुधवार को उन्हें इसी लेवल को बनाए रखना होगा। मंगलवार का $61.45 का हाई (उच्चतम स्तर) वह पहला प्राइस लेवल है जिसे बायर्स को बुधवार को पार करना होगा। इसके बाद, उन्हें $62.98 और फिर 50-दिन के मूविंग एवरेज का सामना करना होगा।

बता दें कि सोने और चांदी की कीमतें ग्लोबल आर्थिक घटनाक्रम, करेंसी में उतार-चढ़ाव और ब्याज दरों को लेकर बदलती उम्मीदों के अनुसार बदल रही हैं, इसलिए ग्राहक भारत के प्रमुख शहरों में रोज़ाना बुलियन की कीमतों पर कड़ी नज़र रखे हुए हैं।

(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Gold Silver Price Today: MCX पर सोना ₹1.47 लाख के नीचे फिसला, चांदी ₹2.25 लाख पर पहुंची

Gold Silver Price Today: मंगलवार, 29 सितंबर को सोने की कीमतों पर दबाव बना रहा। MCX पर अक्टूबर का गोल्ड कॉन्ट्रैक्ट 0.21% गिरकर ₹1.46 लाख प्रति 10 ग्राम पर ट्रेड कर रहा था। सोने की कीमतें सात हफ़्ते के निचले स्तर के आस-पास ट्रेड कर रही हैं क्योंकि बाजार को उम्मीद है कि US फ़ेडरल रिजर्व ब्याज दरों को लंबे समय तक ऊंचा रखेगा।

वहीं चांदी में भी जबरदस्त बिकवाली का दबाव देखा जा रहा है। MCX पर सिल्वर फ़्यूचर्स लगभग ₹2,25,220 प्रति किलोग्राम पर ट्रेड कर रहे हैं, जो पिछले हफ़्ते के मुकाबले करीब 6.29% कम है।

क्या होनी चाहिए अब रणनीति

रिद्धि-सिद्धि बुलियन्स के मैनेजिंग डायरेक्टर और इंडिया बुलियन एंड ज्वैलर्स एसोसिएशन के प्रेसिडेंट पृथ्वीराज कोठारी के अनुसार, बाज़ार में फ़ेड द्वारा ब्याज दरें और बढ़ाने की संभावना बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि CME फ़ेडवॉच के अनुसार, अक्टूबर में ब्याज दरें बढ़ने की संभावना 72.5% है, जो पिछले हफ़्ते 57.6% थी।

US ट्रेज़री यील्ड में बढ़ोतरी और डॉलर के मजबूत होने से सोने पर दबाव है, जबकि कच्चे तेल की ऊंची कीमतों से महंगाई की चिंताएं बढ़ रही हैं। कोठारी ने कहा कि US-ईरान के बीच जारी तनाव और तेल की ऊंची कीमतों के कारण महंगाई और यील्ड को लेकर चिंताएं बनी हुई हैं।

लेमन (Lemonn) के रिसर्च हेड गौरव गर्ग ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में सोने में थोड़ी रिकवरी हो रही है, लेकिन यह सात हफ़्ते के निचले स्तर के आस-पास ही बना हुआ है क्योंकि US में ब्याज दरों के लंबे समय तक ऊंचे रहने की उम्मीदों के कारण यील्ड ऊंची बनी हुई है।

गर्ग के अनुसार, स्पॉट गोल्ड की कीमत लगभग $4,130 प्रति औंस थी, जबकि डॉलर-रुपया एक्सचेंज रेट लगभग ₹96 प्रति US डॉलर था। कच्चे तेल की ऊंची कीमतें और US यील्ड सोने और अन्य MCX कमोडिटीज़ के लिए मुख्य जोखिम बने हुए हैं।

गर्ग ने कहा कि आने वाले US आर्थिक डेटा – जिसमें कंज्यूमर कॉन्फिडेंस, जॉब ओपनिंग्स, ADP एम्प्लॉयमेंट डेटा, PCE महंगाई और नॉन-फार्म पेरोल्स शामिल हैं – से फ़ेड की ब्याज दर की चाल और सोने में अगले कदम के बारे में और संकेत मिल सकते हैं।

चॉइस ब्रोकिंग की कमोडिटी फंडामेंटल एनालिस्ट पिंकी यादव के अनुसार, सितंबर में सोने की कीमतों में बड़ी गिरावट (करेक्शन) आई है और MCX पर सोना ₹1.5 लाख प्रति 10 ग्राम से नीचे आ गया है। यादव ने इस गिरावट के लिए कच्चे तेल की ऊंची कीमतों, US की सख्त मॉनेटरी पॉलिसी की उम्मीदों, डॉलर के मजबूत होने, US ट्रेज़री यील्ड में बढ़ोतरी और भारतीय रुपये में कमजोरी को जिम्मेदार बताया। साथ ही, उन्होंने कहा कि सोने को सपोर्ट करने वाले लंबे समय के कारण अभी भी बने हुए हैं, जिनमें सेंट्रल बैंक की खरीदारी, ग्लोबल डिमांड और गोल्ड ETF के ज़रिए इन्वेस्टमेंट शामिल है।

कम समय के लिए, चॉइस ब्रोकिंग के कमोडिटी और करेंसी एनालिस्ट (टेक्निकल रिसर्च) आमिर मकदा ने कहा कि सोने के लिए मुख्य MCX सपोर्ट लेवल ₹1.48 लाख प्रति 10 ग्राम और ₹1.47 लाख प्रति 10 ग्राम हैं, जबकि रेजिस्टेंस लेवल ₹1.49 लाख प्रति 10 ग्राम है।

Silver Price Today: दूसरे दिन चांदी और भी हुई सस्ती, खरीदारी से पहले जानें आज 10 प्रमुख शहरों के ताजा रेट

(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Silver Price Today: दूसरे दिन चांदी और भी हुई सस्ती, खरीदारी से पहले जानें आज 10 प्रमुख शहरों के ताजा रेट

Silver Price Today: हफ्ते के दूसरे कारोबारी दिन भी चांदी की कीमतों में भारी दबाव देखने को मिला है। ऐसे में अगर आप चांदी खरीदने की सोच रहे है तो यह आपके लिए अच्छा मौका है। खबर लिखे जाने तक MCX पर चांदी का वायदा भाव 2597 रुपये गिरकर 2,24,855 रुपये प्रति किलो हो गया। जबकि पिछले कारोबारी सत्र में चांदी 2,27,442 रुपये प्रति किलो पर बंद हुई थी। बुलियंस के मुताबिक चांदी की कीमत 2,26,240 रुपये किलो हो गई। जबकि अंतरराष्ट्रीय बाजार में 61.13 रुपये प्रति औंस हो गई। जबकि गुडरिटर्न्स के मुताबिक चांदी 2,40,000 रुपये प्रति किलो पर है।

इंटरनेशनल मार्केट में कीमतें कितनी गिरीं?

इंटरनेशनल मार्केट यानी कॉमेक्स पर सोने और चांदी दोनों की कीमतों में भारी गिरावट आई है। कॉमेक्स पर मौजूद डेटा के मुताबिक, खबर लिखे जाने तक सोने में 0.05% की गिरावट आई है और कीमत $4166.40 प्रति औंस पर पहुंच गई है। जबकि चांदी की कीमत में 1.13% की गिरावट आई है और ऐसे समय में कीमत $61.020 प्रति औंस पर ट्रेड करती दिखी।

दिल्ली-मुंबई समेत प्रमुख शहरों में आज चांदी का रेट

देश के प्रमुख शहरों में गुडरिटर्न्स के मुताबिक चांदी की कीमतें करीब 2,40,000-2,45,000 लाख रुपये प्रति किलोग्राम के आसपास बनी हुई हैं। कुछ शहरों में स्थानीय बाजार और टैक्स के कारण मामूली अंतर देखने को मिल सकता है।

शहर1 किलो चांदी का भाव
दिल्ली₹2,40,000
मुंबई₹2,40,000
कोलकाता₹2,40,000
चेन्नई₹2,44,800
लखनऊ₹2,40,000
पटना₹2,40,000
जयपुर₹2,40,000
अहमदाबाद₹2,40,000
पुणे₹2,40,000
बेंगलुरु₹2,40,000
हैदराबाद₹2,40,000
भोपाल₹2,40,000
चंडीगढ़₹2,40,000
नोएडा₹2,40,000
गुरुग्राम₹2,40,000

चांदी में गिरावट की क्या है वजहें

तेल की बढ़ती कीमतें, अमेरिकी डॉलर की मजबूती और ट्रेजरी यील्ड ने महंगाई की चिंताएं बढ़ा दी हैं, जिससे मेटल के लिए मुश्किलें और बढ़ गई हैं। यही वजह है कि पिछले कुछ दिनों में सोने-चांदी में तेज गिरावट देखी गई।

ऊंची ब्याज दरों से सोने का आकर्षण कम हो जाता है क्योंकि निवेशक यील्ड देने वाली संपत्तियों में निवेश करना पसंद करते हैं। बता दें कि सोने से कोई ब्याज नहीं मिलता है, इसलिए जब ट्रेजरी यील्ड बढ़ती है, तो निवेशक सोने से दूर हो जाते हैं, जिससे इसकी कीमत पर असर पड़ता है। फेड ने इस महीने की शुरुआत में बेंचमार्क दरों में 0.25 फीसदी की बढ़ोतरी की थी और संकेत दिया था कि आने वाले महीनों में कम से कम एक और बढ़ोतरी की संभावना है।

पिछले दिन क्या रही चांदी की कीमत

कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों और मजबूत डॉलर के बीच वैश्विक बाजारों में भारी बिकवाली के कारण कीमतों में गिरावट आई। दिल्ली के सर्राफा बाजार में सोमवार को चांदी की कीमत 5,000 रुपये टूटकर 2.32 लाख रुपये प्रति किलोग्राम (सभी टैक्स समेत) रह गई, जबकि शुक्रवार को यह 2.37 लाख रुपये प्रति किलोग्राम पर बंद हुई थी। विदेशी बाजारों में, हाजिर चांदी की कीमत 2.96 डॉलर या 4.6 प्रतिशत टूटकर 61.34 डॉलर प्रति औंस रह गई।

भारतीय निवेशकों के लिए इसका क्या मतलब है?

भारतीय निवेशकों के लिए, सोने की ग्लोबल कीमतें पूरी तस्वीर का सिर्फ़ एक हिस्सा हैं। घरेलू कीमतें रुपये-डॉलर एक्सचेंज रेट, इंपोर्ट से जुड़ी लागत और स्थानीय मांग से भी प्रभावित होती हैं।

इसलिए, सोने की ग्लोबल कीमतों में बड़ी गिरावट का मतलब यह ज़रूरी नहीं है कि भारत में भी सोने की कीमतों में उसी प्रतिशत से गिरावट आएगी।

Commodity Corner: मिडिल ईस्ट में तनाव के बीच तेल की कीमतें दूसरे दिन बढ़ीं, सोना गिरा

(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।