WhatsApp में आया बड़ा सिक्योरिटी अपग्रेड, अब हैकर्स और स्कैम कॉल्स से मिलेगी छुट्टी

WhatsApp Security Features: WhatsApp तीन नए सिक्योरिटी फीचर ला रहा है, जिनका मकसद यूजर अकाउंट को ज्यादा सुरक्षित बनाना और लोगों को संभावित स्कैम कॉल की पहचान करने में मदद करना है। Meta के मालिकाना हक वाले इस मैसेजिंग प्लेटफॉर्म ने बताया कि अब 1 अरब से ज्यादा यूजर passkeys से अपने अकाउंट सुरक्षित रखते हैं, जो बिना पासवर्ड वाले ऑथेंटिकेशन के बढ़ते इस्तेमाल को दिखाता है। इस उपलब्धि के साथ-साथ, कंपनी ने अपने टू-स्टेप वेरिफिकेशन सिस्टम को अपग्रेड किया है और Android पर अनजान नंबरों के लिए कॉलर से जुड़ी अतिरिक्त जानकारी (कॉलर कॉन्टेक्स्ट) देने की सुविधा भी शुरू की है।

अब 1 अरब से ज्यादा यूजर्स passkeys का इस्तेमाल करते हैं

Passkeys WhatsApp के सबसे जरूरी सिक्योरिटी फीचर्स में से एक बन गया है। इसमें यूजर्स को पासवर्ड डालने या SMS से वेरिफिकेशन कोड आने का इंतजार करने की जरूरत नहीं पड़ती। इसके बजाय, वे अपने फोन के फिंगरप्रिंट स्कैनर, Face ID या स्क्रीन लॉक की मदद से साइन इन कर सकते हैं।

WhatsApp के अनुसार, एक अरब से ज्यादा लोगों ने पहले ही Passkeys को इनेबल कर लिया है, जिससे यह किसी भी मैसेजिंग प्लेटफॉर्म पर बिना पासवर्ड वाले ऑथेंटिकेशन के सबसे बड़े रोल-आउट में से एक बन गया है।

वहीं, कंपनी ने इस फीचर को और बेहतर बनाते हुए यूजर्स को एक ही अकाउंट पर कई Passkeys रजिस्टर करने की सुविधा दी है। यह उन लोगों के लिए खास तौर पर फायदेमंद है जो Android और iPhone दोनों डिवाइस का इस्तेमाल करते हैं, क्योंकि अब वे वन-टाइम वेरिफिकेशन कोड पर निर्भर हुए बिना किसी भी प्लेटफॉर्म से सुरक्षित रूप से WhatsApp का इस्तेमाल कर सकते हैं।

यूजर्स Settings > Account > Passkeys पर जाकर इस फीचर को इनेबल कर सकते हैं।

टू-स्टेप वेरिफिकेशन में बड़ा अपग्रेड

WhatsApp अपने टू-स्टेप वेरिफिकेशन सिस्टम को भी मजबूत कर रहा है। पहले, यूजर्स अपने अकाउंट को सिर्फ छह अंकों के PIN से सुरक्षित रख सकते थे। अब कंपनी इसमें पूरा पासवर्ड सेट करने का ऑप्शन दे रही है।

नए पासवर्ड में अक्षर, नंबर और स्पेशल कैरेक्टर हो सकते हैं, जिससे साधारण छह अंकों वाले कोड की तुलना में इनका अंदाजा लगाना काफी मुश्किल हो जाता है। सुरक्षा की यह अतिरिक्त परत अकाउंट को तब भी सुरक्षित रखने में मदद करती है, जब कोई यूजर का वन-टाइम वेरिफिकेशन कोड हासिल कर ले।

इसके साथ ही, WhatsApp उन यूजर्स को मजबूत पासवर्ड अपनाने के लिए प्रोत्साहित कर रहा है जो अभी भी कमजोर PIN का इस्तेमाल करते हैं, ताकि वे अपने अकाउंट की सुरक्षा को बेहतर बना सकें।

अनजान कॉलर के बारे में अब ज्यादा जानकारी मिलेगी

यूजर्स को स्कैम कॉल्स से बचाने के लिए, WhatsApp Android डिवाइस के लिए कॉलर की जानकारी देने वाला एक नया फीचर ला रहा है।

जब किसी ऐसे नंबर से कॉल आएगा जो यूज़र के कॉन्टैक्ट्स में सेव नहीं है, तो WhatsApp कॉल उठाने से पहले ही उसके बारे में कुछ और जानकारी दिखाएगा। इसमें यह जानकारी शामिल होगी कि क्या कॉलर किसी दूसरे देश से है और क्या यूजर और वह व्यक्ति किसी कॉमन WhatsApp ग्रुप में शामिल हैं।

इस अतिरिक्त जानकारी का मकसद यूजर्स को यह तय करने में मदद करना है कि कॉल उठाने से पहले उन्हें वह कॉल असली लग रहा है या नहीं। चूंकि स्कैमर्स अक्सर जल्दबाजी और अनजान नंबरों का इस्तेमाल करते हैं, इसलिए ये अतिरिक्त डिटेल्स लोगों को संदिग्ध कॉल्स की पहचान आसानी से करने में मदद कर सकती हैं।

WhatsApp अकाउंट की सुरक्षा को और मजबूत कर रहा है

हाल की घोषणाओं से पता चलता है कि WhatsApp अकाउंट की सुरक्षा और यूजर की प्राइवेसी को बेहतर बनाने पर लगातार ध्यान दे रहा है। एंड-टू-एंड एन्क्रिप्शन से बातचीत पहले से ही सुरक्षित है; इसके अलावा, Passkeys, मजबूत पासवर्ड-बेस्ड टू-स्टेप वेरिफिकेशन और बेहतर कॉलर जानकारी जैसे फीचर्स यूजर्स को अकाउंट हैक होने और स्कैम की कोशिशों से बचाने के लिए सुरक्षा की कई परतें देते हैं।

ये नए फीचर्स दुनिया भर के यूजर्स के लिए जारी किए जा रहे हैं। इससे WhatsApp की उस कोशिश को और बल मिलता है जिसके तहत वह सुविधा से समझौता किए बिना अपने मैसेजिंग प्लेटफॉर्म को और ज्यादा सुरक्षित बनाना चाहता है।

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School Holiday Tomorrow: क्या कल बंद रहेंगे स्कूल? जानें यूपी, बिहार, झारखंड और दिल्ली-एनसीआर पर क्या है ताजा अपडेट

School Holiday Tomorrow: देश के कई हिस्सों में मॉनसून के एक बार फिर तेज होने की खबरें आ रही हैं। कई राज्यों में भारी बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त है। इंडिया मेटियोरोलॉजिकल डिपार्टमेंट (IMD) ने कई राज्यों के लिए बारिश का अलर्ट जारी किया है। इस वजह से, अभिभावक और छात्र दुविधा में हैं कि मंगलवार, 25 अगस्त, 2026 को स्कूल बंद रहेंगे या नियमित क्लास चलती रहेंगी।

क्या 25 अगस्त को स्कूल बंद रहेंगे?

अभी 25 अगस्त को स्कूल बंद करने का कोई एक देशव्यापी ऑर्डर नहीं है। खराब मौसम की वजह से स्कूल की छुट्टियां आम तौर पर स्थानीय स्तर पर तय की जाती हैं। अगर भारी बारिश, बाढ़ या पानी भरने से खतरनाक हालात बनते हैं, तो जिलाधिकारी या स्थानीय प्रशासन छुट्टी का ऐलान कर सकता है। इसलिए अभिभावकों को ताजा जानकारी के लिए अपने बच्चे के स्कूल के WhatsApp ग्रुप, ऑफिशियल नोटिस, वेबसाइट या डिस्ट्रिक्ट एडमिनिस्ट्रेशन से मिली जानकारी देखनी चाहिए।

25 अगस्त मौसम का अनुमान

मौसम के ताजा अनुमान के मुताबिक, 25 अगस्त को देश के कई हिस्सों में बारिश होने का अनुमान है।

दिल्ली-एनसीआर : आसमान में बादल छाए रहने की उम्मीद है, सुबह से शाम तक हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। दिल्ली के लिए अभी कोई बड़ा रेड अलर्ट जारी नहीं किया गया है।

उत्तर प्रदेश : पश्चिमी और पूर्वी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में 25 अगस्त को भारी बारिश हो सकती है।

बिहार और झारखंड : 25 और 26 अगस्त को बड़े पैमाने पर बारिश होने की उम्मीद है, कुछ इलाकों में भारी बौछारें और गरज के साथ बारिश हो सकती है।

बारिश और पानी भरने से कई शहरों में ट्रैफिक पर भी असर पड़ सकता है।

अभिभावकों और छात्रों को क्या करना चाहिए?

अक्सर बारिश की वजह से स्कूल खुले या बंद होने को लेकर भ्रम हो सकता है। खासकर जब सोशल मीडिया पर जानकारी तेजी से फैलती है। अभिभावकों और छात्रों को इन बातों का ध्यान रखना चाहिए : असत्यापित सोशल मीडिया पोस्ट या मैसेज के आधार पर फैसला लेने से बचें। माता-पिता को अपने बच्चे के स्कूल के WhatsApp ग्रुप, ऑफिशियल नोटिस और डिस्ट्रिक्ट एडमिनिस्ट्रेशन के अनाउंसमेंट को फॉलो करना चाहिए।

अगर आपके इलाके में भारी बारिश हो रही है या पानी भर गया है, तो स्कूल जाने से पहले मौसम और सड़क की हालत देख लें। जब तक स्कूल या लोकल एडमिनिस्ट्रेशन छुट्टी का ऐलान न करे, स्टूडेंट्स को स्कूल के रेगुलर इंस्ट्रक्शन्स मानने चाहिए।

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होमवर्क नहीं किया तो टीचर की पिटाई से 6 साल के बच्चे की मौत, CCTV आया सामने

विशाखापत्तनम के एक प्राइवेट स्कूल में 6 साल के बच्चे की मौत से हड़कंप मच गया है। परिवार का आरोप है कि होमवर्क पूरा नहीं करने पर टीचर ने उसे पीटा था। बच्चे की पहचान प्रणय तेजा के तौर पर हुई है।

बताया जा रहा है कि ‘वन टाउन’ इलाके में मौजूद ‘लिटिल गार्डन स्कूल’ में क्लास के दौरान उसकी तबीयत खराब हो गई। बाद में उसे किंग जॉर्ज हॉस्पिटल (KGH) ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। परिवार का आरोप है कि टीचर ने उसकी डंटे से पीटाई की थी, जिसके बाद वह गिर पड़ा था।

फिलहाल, पुलिस और रेवेन्यू अधिकारी मौत से जुड़ी परिस्थितियों की जांच कर रहे हैं। उम्मीद है कि पोस्टमार्टम से मौत की सही मेडिकल वजह का पता चल जाएगा।

मौत की खबर मिलने के बाद परिवार के सदस्य और रिश्तेदार अस्पताल में जमा हुए और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की।

परिवार के मुताबिक, प्रणय गुरुवार सुबह घर से निकला था और बिल्कुल ठीक-ठाक लग रहा था। उसके पिता ने बताया कि बच्चे ने ही उस दिन स्कूल जाने की जिद की थी।

बच्चे के पिता ने दी जानकारी

पिता ने दुखद घटना से पहले की बातें बताते हुए कहा, “सुबह करीब 8:00 बजे मेरा बेटा उठा और उसने कहा कि वह स्कूल जाना चाहता है। उसने स्कूल जाने की जिद की।”

परिवार ने शुरू में उसे तुरंत नहीं भेजा, लेकिन परीक्षा पास होने की वजह से वे आखिरकार मान गए।

पिता ने कहा, “हमने सोचा, ‘ठीक है, परीक्षाएं जल्द ही होने वाली हैं, तो उसे जाने देते हैं।’ उसने कहा, ‘ठीक है डैड, मैं जा रहा हूं,’ और स्कूल चला गया।”

स्कूल जाते समय बच्चा ठीक था

परिवार ने बताया कि जब बच्चा घर से निकला था, तो उसमें कोई असामान्य बात नहीं दिखी थी। लेकिन कुछ घंटों बाद उन्हें परेशान करने वाली खबर मिली।

पिता ने बताया कि दोपहर के समय उन्हें एक फोन कॉल आया जिसमें बताया गया कि उनके बेटे के साथ कुछ हुआ है, हालांकि यह कॉल सीधे स्कूल से नहीं आया था।

उन्होंने कहा, “स्कूल से किसी ने मुझे फोन नहीं किया। मेरे जीजाजी के घर के पास काम करने वाले स्थानीय रसोइयों ने फोन करके मुझे जानकारी दी।”

जब बच्चे को किंग जॉर्ज अस्पताल ले जाया गया, तो परिवार को बताया गया कि उसकी मौत हो चुकी है।

CCTV से खुला राज

पिता ने बताया कि बाद में परिवार ने स्कूल के अंदर हुई घटना के बारे में जानकारी मांगी और उन्हें CCTV फुटेज दिखाया गया, जिसमें उनके अनुसार टीचर बच्चे को मारती हुई दिख रही थी।

पिता ने आरोप लगाया, “जब हमने स्कूल में CCTV फुटेज देखी, तो पता चला कि टीचर ने उसे डराया था। उन्होंने उसे डंडे से मारा और सदमे व डर के कारण वह वहीं गिर पड़ा।”

उन्होंने यह भी बताया कि डॉक्टर ने परिवार को जानकारी दी थी कि अस्पताल पहुंचने से कुछ समय पहले ही बच्चे की मौत हो चुकी थी।

उन्होंने कहा, “डॉक्टर ने हमें बताया कि अस्पताल पहुंचने से आधे घंटे पहले ही उसकी मौत हो चुकी थी।”

NDTV को मिली CCTV फुटेज में टीचर बच्चे को मारती हुई दिख रही हैं। कुछ ही पल बाद, बच्चा गिर पड़ता है।

पिता ने इस बात को पूरी तरह से खारिज कर दिया कि स्कूल जाने से पहले उनका बेटा बीमार था।

जब उनसे पूछा गया कि क्या उनके बेटे को पहले से कोई स्वास्थ्य समस्या थी, तो उन्होंने कहा, “कोई समस्या नहीं थी। वह कल रात खुशी-खुशी खेल रहा था और आज सुबह ठीक-ठाक उठा था। उसे कोई वायरल बुखार या कोई अन्य स्वास्थ्य समस्या नहीं थी।”

परिवार का आरोप है कि बच्चे के साथ मारपीट की यह कोई अकेली घटना नहीं थी। उनका दावा है कि स्कूल में दूसरे बच्चों के साथ भी मारपीट की गई है। परिवार ने कहा कि अगर ये आरोप जांच में सही साबित होते हैं, तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।

घटना की जानकारी मिलने के बाद रेवेन्यू डिविजनल ऑफिसर (RDO) दिलीप चक्रवर्ती भी अस्पताल पहुंचे।

RDO ने कहा, “मुझे इस घटना के बारे में पता चला कि स्कूल से 6 साल के एक बच्चे को मृत अवस्था में KGH लाया गया है।” उन्होंने यह भी कहा कि सरकारी विभाग घटना के बारे में पूरी जानकारी इकट्ठा कर रहा है।

पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है, और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।

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Divya Mishra Murder: लखनऊ में दिव्या मिश्रा की हत्या के मामले में एक चौंकाने वाली बात सामने आई है। दरअसल, दिव्या की मौत से पहले उनके पति मानस वाजपेयी ने एक WhatsApp स्टेटस लगाया था, जिसमें उसने ने दावा किया था कि उसने अपनी पत्नी की हत्या कर दी है और आरोप लगाया कि उसने उसे धोखा दिया था। मानस ने स्टेटस में यह भी लिखा कि दिव्या की बहन प्रज्ञा मिश्रा और उनके पति भरत को “सब कुछ पता था।”

बता दें कि मशहूर हिंदी यूट्यूबर प्रज्ञा मिश्रा की बहन दिव्या को गुरुवार दोपहर गोमती नगर में ICICI बैंक की ब्रांच के बाहर गोली मार दी गई थी, जहां वह काम करती थीं। जिसके बाद उन्हें लोहिया अस्पताल ले जाया गया, लेकिन इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया।

‘उसे सब पता है’: स्टेटस में क्या लिखा था

38 वर्षीय मानस, जो SBI में कर्मचारी था उस पर आरोप है कि वह दिव्या के ऑफिस पहुंचा और उसे गोली मार दी। पुलिस के मुताबिक, इसके बाद वह घर लौटा और अपनी 28 साल की बहन शिवा वाजपेयी (जो मानसिक रूप से बीमार थी) को गोली मारी, और फिर खुद को भी गोली मार ली।

मानस ने अपने WhatsApp स्टेटस में बताया कि उसने अपनी पत्नी को मार दिया है और उस पर धोखा देने का आरोप लगाया। उसने प्रज्ञा और उसके पति का भी जिक्र किया और कहा कि उन्हें “सब पता था।”

खास बात यह है कि यह स्टेटस दिव्या की मौत की खबर आने से पहले शेयर किया गया था।

बहन को ऑफिस के बाहर मारी गई गोली

प्रज्ञा ने दोपहर करीब 1:26 बजे X पर एक पोस्ट कर इस हमले की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि उन्हें फोन पर सूचना मिली है कि उनकी बहन को गोमती नगर में गोली मार दी गई है और उनका इलाज लोहिया अस्पताल में चल रहा है। प्रज्ञा ने लोगों से दिव्या के लिए दुआ और प्रार्थना करने की अपील भी की।

बता दें कि प्रज्ञा पहले न्यूज टेलीविजन चैनलों के साथ काम कर चुकी हैं। अब वह अपने YouTube चैनल ‘उल्टा चश्मा’ के लिए जानी जाती हैं, जिसके 85 लाख से ज्यादा सब्सक्राइबर हैं।

पति-पत्नी एक साल से ज्यादा समय से अलग रह रहे थे

दिव्या और मानस की शादी को 12 साल हो चुके थे, लेकिन वे एक साल से ज्यादा समय से अलग-अलग रह रहे थे। दिव्या ने पिछले साल तलाक के लिए अर्जी भी दी थी।

पुलिस ने बताया कि मानस ने अपनी बहन शिवा की हत्या इसलिए कर दी क्योंकि उसे लगता था कि उसकी मौत के बाद उसकी देखभाल करने वाला कोई नहीं होगा।

पड़ोसी को मानस मृत अवस्था में मिला

मानस के घर के पास रहने वाले एक दुकानदार ने NDTV को बताया कि वह दोपहर करीब 12:30 बजे घर लौटा था। वह जल्दबाजी में लग रहा था और उसे बहुत पसीना आ रहा था। पड़ोसी ने बताया कि मानस अंदर गया और उसने हनुमान चालीसा बजाई।

इसके बाद जब पड़ोसी ने मानस का WhatsApp स्टेटस देखा, तो वह घर के अंदर गया। वहां उसने मानस को मृत पाया।

हत्याओं के इस घटनाक्रम के बाद जांचकर्ता अब कपल के खराब रिश्तों और मानस के आखिरी WhatsApp स्टेटस में लगाए गए आरोपों से जुड़ी परिस्थितियों की जांच कर रहे हैं।

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दिल्ली के रोहिणी में ‘स्पेशल 26’ जैसी घटना, CBI अफसर बनकर कारोबारी के घर पहुंची फर्जी टीम, पत्नी ने ऐसे खोली पोल

Delhi Fake CBI Raid: बॉलीवुड की सुपरहिट फिल्म ‘स्पेशल 26’ शायद सबने देखी होगी, जिसमें एक्टर अक्षय कुमार और अनुपम खेर फर्जी CBI अधिकारी बनकर बिजनेसमैन और नेताओं के घर छापेमारी करते हैं। ऐसी ही एक घटना दिल्ली के रोहिणी के इलाके से भी सामने आई है। अधिकारियों के मुताबिक, ठीक ‘स्पेशल 26’ की तरह कुछ लोग खुद को CBI अधिकारी बताकर एक कारोबारी के घर पर फर्जी रेड करने पहुंचे। हालांकि, कारोबारी की पत्नी ने जब उनसे पहचान का सबूत और वैध सर्च वारंट मांगा, तो सभी लोग वहां से चले गए।

परिवार की शिकायत के मुताबिक, करीब 8 से 10 लोग CBI अधिकारी बताकर घर पहुंचे और कहा कि वे तलाशी लेने आए हैं। उस समय बिजनेसमैन की पत्नी घर पर थीं और उन्होंने गेट खोलने से मना कर दिया। उन्होंने उन लोगों से कहा कि वे अंदर आने से पहले अपनी पहचान साबित करें और सही सर्च वारंट दिखाएं।

शिकायत करने वाली महिला का आरोप है कि उस ग्रुप ने उन्हें अंदर आने देने के लिए दबाव डाला और मना करने पर धमकी दी। हालांकि, वह उनकी पहचान के सबूत और जरूरी दस्तावेज मांगती रहीं।

CBI की बताई जा रही यह टीम लगभग 90 मिनट तक घर के बाहर खड़ी रही, जिससे शक और बढ़ गया।

CCTV में रिकॉर्ड हुई घटना

इलाके में लगे CCTV कैमरों में उस ग्रुप की हरकतें रिकॉर्ड हो गईं। अधिकारियों ने बताया कि जांच टीम इस फुटेज की जांच कर रही है ताकि शामिल लोगों की संख्या का पता लगाया जा सके और उनके इस्तेमाल किए गए वाहन की पहचान की जा सके।

जब वे लोग बाहर ही खड़े रहे, तो आस-पास के लोग भी वहां जमा हो गए और उनसे सवाल-जवाब करने लगे। उन्होंने उस ग्रुप से पहचान-पत्र, सर्च वारंट या कथित रेड (छापे) के लिए जारी नोटिस की कॉपी दिखाने को कहा।

बताया जाता है कि उस ग्रुप ने कहा कि कागजात उनकी गाड़ी में हैं। जब उनसे कागजात लाने के लिए कहा गया, तो वे यह कहकर वहां से चले गए कि वे कागजात ले आएंगे, लेकिन वे कभी वापस नहीं लौटे।

परिवार ने पुलिस से किया संपर्क

इसके बाद परिवार ने इमरजेंसी हेल्पलाइन नंबर 112 के जरिए पुलिस से संपर्क किया। पुलिस की एक टीम घर पहुंची और शिकायत करने वाले का बयान दर्ज किया।

शिकायतकर्ता ने आगे आरोप लगाया कि आरोपियों ने CBI का लोगो लगा हुआ कपड़ा पहन रखा था और उनके पास ऐसे पहचान पत्र भी थे, जिनमें उन्हें CBI अधिकारी बताया गया था। आरोप है कि ऐसा इसलिए किया गया ताकि पूरी कार्रवाई असली और आधिकारिक लगे।

शिकायतकर्ता के पिता को WhatsApp पर मिला फर्जी नोटिस

मामले में उस समय एक और नया मोड़ तब आया, जब शिकायतकर्ता के पिता को बाद में WhatsApp पर एक नोटिस मिला। शिकायत के मुताबिक, इस नोटिस पर कथित तौर पर CBI डायरेक्टर का नाम और हस्ताक्षर थे।

हालांकि, बाद में वह मैसेज डिलीट कर दिया गया, लेकिन परिवार ने उसका स्क्रीनशॉट ले लिया था और शिकायत के साथ पुलिस को सौंप दिया था।

परिवार का आरोप है कि नोटिस फर्जी था और इसका मकसद कथित रेड को CBI का अधिकृत ऑपरेशन दिखाना था। वहीं, अधिकारियों ने बताया कि पुलिस नोटिस की असलियत की जांच कर रही है, जबकि घटना की जांच जारी है।

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महंगे हो गए 5G स्मार्टफोन्स, 10 हजार से कम में खरीदें ये 10 दमदार 4G फोन्स जो दे रहे हैं बंपर फीचर्स, देखें लिस्ट

मेमोरी की कीमत बढ़ने और दूसरे पार्ट्स महंगे होने के कारण 5G स्मार्टफोन की कीमत लगातार बढ़ रही है। IDC के आंकड़ों के मुताबिक, 2026 की दूसरी तिमाही में 5G स्मार्टफोन की औसत कीमत 341 डॉलर पहुंच गई, जबकि 4G स्मार्टफोन की औसत कीमत 109 डॉलर रही। इस तरह 5G और 4G फोन की कीमत में बड़ा अंतर देखने को मिल रहा है। इसका असर बजट में फोन खरीदने वाले ग्राहकों पर पड़ रहा है। खासकर छोटे शहरों और कस्बों के ग्राहक महंगे 5G फोन के बजाय कम कीमत वाले 4G स्मार्टफोन खरीदना पसंद कर रहे हैं।

यह बदलाव स्मार्टफोन की बिक्री के आंकड़ों में भी साफ दिखाई दे रहा है। काउंटरपॉइंट रिसर्च के मुताबिक, 2026 की दूसरी तिमाही में 4G स्मार्टफोन की बिक्री में 40% की बढ़ोतरी हुई। इस दौरान कुल बिके स्मार्टफोन में 4G फोन की हिस्सेदारी बढ़कर 12% हो गई। हालांकि, इसका यह मतलब नहीं है कि लोग 5G फोन खरीदना बंद कर रहे हैं। असल में, बढ़ती कीमतों का सबसे ज्यादा असर कम बजट वाले ग्राहकों पर पड़ रहा है। यही वजह है कि ये ग्राहक महंगे 5G फोन की जगह सस्ते 4G स्मार्टफोन को चुन रहे हैं।

जिन लोगों को फोन का इस्तेमाल मुख्य रूप से कॉलिंग, WhatsApp, सोशल मीडिया, वीडियो देखने, रास्ता खोजने और रोजमर्रा के ऐप्स चलाने के लिए करना है, उनके लिए 4G स्मार्टफोन अभी भी एक अच्छा विकल्प हो सकते हैं। अगर आप 5G फोन पर ज्यादा पैसे खर्च नहीं करना चाहते हैं, तो बजट में मिलने वाले 4G फोन पर विचार किया जा सकता है। इनमें से एक है Lava Bold N2 Lite। Flipkart पर इसकी कीमत 9,399 रुपये बताई गई है। फोन में 3GB रैम और 64GB स्टोरेज मिलती है। इसमें 6.75 इंच का डिस्प्ले, 13 मेगापिक्सल का रियर कैमरा और 5,000mAh की बैटरी दी गई है।

  • POCO C61

POCO C61 की कीमत 7,499 रुपये है। इसमें 4GB रैम और 64GB स्टोरेज दी गई है। फोन में 6.71 इंच का HD+ डिस्प्ले, 8 मेगापिक्सल का रियर कैमरा और 5,000mAh की बैटरी मिलती है।

  • Redmi 12C

Redmi 12C भी 7,499 रुपये की कीमत में आता है। इसमें 4GB रैम और 64GB स्टोरेज दी गई है। फोन में 6.71 इंच का HD+ डिस्प्ले, 50 मेगापिक्सल का रियर कैमरा और 5,000mAh की बैटरी मिलती है।

  • Lava Blaze

Lava Blaze भी बजट सेगमेंट में एक विकल्प है। यह उन यूजर्स के लिए उपयोगी हो सकता है जो कम कीमत में रोजमर्रा के काम के लिए 4G स्मार्टफोन खरीदना चाहते हैं।

Ai+ Pulse 2

Ai+ Pulse 2 की कीमत 9,987 रुपये है। इसमें 6.745 इंच का HD+ डिस्प्ले दिया गया है। फोन में 50 मेगापिक्सल का रियर कैमरा और 6,000mAh की बैटरी मिलती है। इसमें 4GB रैम, 64GB स्टोरेज और Android 16 ऑपरेटिंग सिस्टम दिया गया है।

Moto G05

Motorola G05 की कीमत 7,299 रुपये है। इसमें 4GB रैम और 64GB स्टोरेज दी गई है। फोन में 6.67 इंच का HD+ डिस्प्ले, 50 मेगापिक्सल का रियर कैमरा और 5,200mAh की बैटरी मिलती है।

POCO C71

POCO C71 की कीमत 8,999 रुपये है। इसमें 6GB रैम और 128GB स्टोरेज दी गई है। फोन में 6.88 इंच का डिस्प्ले, 32 मेगापिक्सल का रियर कैमरा और 5,200mAh की बैटरी मिलती है। इसमें स्टोरेज को मेमोरी कार्ड के जरिए बढ़ाने का विकल्प भी दिया गया है।

Vikrant Massey: मारने की धमकियों से लेकर गाली गलौज तक की गई, जब ‘द साबरमती रिपोर्ट’ के बाद विक्रांत मैसी का लीक हो गया था नंबर

Vikrant Massey: विक्रांत मैसी ने बताया कि सोशल मीडिया पर होने वाली आलोचना का उनकी मानसिक सेहत पर कैसा असर पड़ा। विक्रांत ने सोशल मीडिया पर बढ़ती नफ़रत के बारे में बात की और बताया कि कैसे इसने उनकी भावनाओं और मानसिक सेहत पर असर डाला। उन्होंने कहा, “मैंने ‘द साबरमती रिपोर्ट’ नाम की एक फ़िल्म की थी, और मुझे उस फ़िल्म पर बहुत गर्व है।

एक्टर ने कहा जब मैंने वह फ़िल्म की, तो लोगों ने वही शब्द इस्तेमाल किया जो आपने किया – प्रोपेगैंडा। लोगों ने उस फिल्म को प्रोपेगैंडा कहा। हमने इसे गोधरा ट्रेन अग्निकांड पर बनाया था। हमने इसे साबरमती एक्सप्रेस में आग लगने की घटना पर बनाया था। मुझे बहुत सारी गालियां सुननी पड़ीं। मेरा WhatsApp नंबर लीक हो गया। मेरी कार का नंबर लीक हो गया। लोगों ने मुझे खुलेआम धमकियां दीं।”

उन्होंने आगे बताया कि वह समय उनके लिए बहुत मुश्किल था क्योंकि उनका बेटा सिर्फ़ छह महीने का था। उन्होंने कहा, “उस समय मेरा बेटा बस पैदा ही हुआ था। वह सिर्फ़ छह महीने का था। मुझ पर इसका बहुत बुरा असर पड़ा और मैंने मीडिया में खुलकर यह बात कही। हालांकि, समय के साथ मुझे एहसास हुआ कि वे सब डरपोक हैं, और इससे मुझे कोई फ़र्क नहीं पड़ता कि लोग मेरे बारे में क्या कहते हैं। मायने यह रखता है कि मेरे अपने लोग मेरी ज़िम्मेदारी हैं। मैं उनके प्रति जवाबदेह हूं।”

‘द साबरमती रिपोर्ट’ के बारे में

‘द साबरमती रिपोर्ट’ 2024 की एक हिंदी पॉलिटिकल थ्रिलर फ़िल्म है, जिसे धीरज सरना ने डायरेक्ट किया है और इसमें विक्रांत मैसी, राशी खन्ना और रिद्धि डोगरा मुख्य भूमिकाओं में हैं। यह फ़िल्म 27 फरवरी 2002 को गुजरात के गोधरा में साबरमती एक्सप्रेस में आग लगने की घटना से प्रेरित है, जिसमें 59 लोगों की मौत हो गई थी। यह फ़िल्म 15 नवंबर 2024 को सिनेमाघरों में रिलीज़ हुई थी।

कहानी पत्रकार समर कुमार (विक्रांत मैसी) के इर्द-गिर्द घूमती है, जिन्हें इस त्रासदी की रिपोर्टिंग के लिए गोधरा भेजा जाता है। कई सालों बाद, पत्रकार अमृता गिल (राशी खन्ना) को समर की पुरानी रिपोर्ट मिलती है और वह घटना की जांच में उनके साथ शामिल हो जाती हैं।

विक्रांत मैसी के आने वाले प्रोजेक्ट्स के बारे में

‘मुसाफिर कैफ़े’ सीज़न 1 की सफलता के बाद, नेटफ़्लिक्स ने इस शो को दूसरे सीज़न के लिए रिन्यू किया है। विक्रांत, वेदिका पिंटो, महिमा मकवाना, सिद्धार्थ, अनुभा फतेहपुरिया, लवलीन मिश्रा और सादिया सिद्दीकी के साथ ‘चंदर’ का अपना किरदार फिर से निभाएंगे। शो अभी प्रोडक्शन स्टेज में है; पहले सीज़न के इमोशनल फिनाले ने दूसरे सीज़न के लिए उम्मीदें बढ़ा दी हैं।

Meta CEO Mark Zuckerberg ने भारत से मांगी माफी, 5-6 घंटे तक Facebook से हटाया गया था PM Modi का वीडियो

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Meta के CEO मार्क जुकरबर्ग ने भारत में अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर Child Sexual Abuse Material (CSEAM) और Deepfake Content की उपलब्धता को लेकर माफी मांगी है। इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) के सूत्रों के मुताबिक, Zuckerberg ने Meta के वरिष्ठ वैश्विक अधिकारियों की मंत्रालय के साथ हुई बैठक के दौरान इस मामले पर खेद जताया।  Meta, Facebook, Instagram और WhatsApp की पैरेंट कंपनी है।

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हटाया था PM Modi का वीडियो

Zuckerberg की यह माफी ऐसे समय में सामने आई है जब इससे पहले बुधवार को एक संसदीय समिति ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के Facebook वीडियो को हटाए जाने के मामले में Meta प्रमुख को तीन दिन के भीतर माफी मांगने को कहा था। प्रधानमंत्री मोदी का छात्रों और Gen Z को संबोधित करने वाला वीडियो कुछ समय के लिए Facebook से हटाए जाने पर समिति ने गंभीर नाराजगी जताई थी।

समिति ने चेतावनी दी थी कि यदि माफी नहीं मांगी गई तो Meta को मिलने वाली कानूनी सुरक्षा यानी Safe Harbour protection वापस लेने की दिशा में कदम उठाया जा सकता है। ऐसी स्थिति में संबंधित मामलों में अभियोजन और FIR दर्ज होने का रास्ता खुल सकता है।

लोकसभा सचिवालय की ओर से इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के सचिव को भेजे गए पत्र में कहा गया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का छात्रों और Gen Z को संबोधित करने वाला वीडियो Facebook से करीब 5-6 घंटे तक हटाया जाना समिति ने गंभीरता से लिया था। यह वीडियो परीक्षा से जुड़े विवादों और पेपर लीक के खिलाफ सरकार की कार्रवाई को लेकर प्रधानमंत्री के संदेश से संबंधित था। समिति ने इस घटना को लेकर Meta से स्पष्टीकरण और जवाबदेही की मांग की थी।

मेटा की टीम को सरकार ने बुलाया था 

सरकार पीएम मोदी का वीडियो फेसबुक से हटाने से भी नाराज थी। मोदी ने 23 जुलाई को यह वीडियो पोस्ट किया था। इसमें उन्होंने पेपर लीक को बड़ी समस्या बताया था। उन्होंने ऐसे मामलों की जल्द सुनवाई के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाने की भी बात कही थी। आईटी मंत्रालय और मेटा के अधिकारियों के बीच 2 दिन की बैठक चल रही है। सरकार ने मेटा की ग्लोबल टीम को दिल्ली बुलाया है। 5 अगस्त को बैठक का पहला दिन था।

मार्क जुकरबर्ग को दिया गया था 3 दिन का समय 

समिति की ओर से कहा गया था कि मेटा  प्रमुख मार्क जुकरबर्ग को मामले में माफी मांगनी चाहिए। अगर निर्धारित समय में माफी नहीं आती है, तो समिति भारत में उपलब्ध कानूनी संरक्षण को वापस लेने की दिशा में कदम उठाने पर विचार कर सकती है। यह मामला इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि Safe Harbour protection इंटरनेट प्लेटफॉर्म को यूजर्स द्वारा पोस्ट की गई सामग्री के लिए कुछ कानूनी सुरक्षा प्रदान करता है, बशर्ते वे लागू नियमों और कानूनी दायित्वों का पालन करें।

क्यों महत्वपूर्ण हुआ मामला

प्रधानमंत्री के सोशल मीडिया पोस्ट को हटाए जाने की घटना ने भारत में Big Tech platforms, content moderation और social media accountability को लेकर बहस को तेज कर दिया था।  Meta की ओर से पहले इस वीडियो को गलती से हटाए जाने की बात सामने आई थी और वीडियो बाद में बहाल कर दिया गया था।

 

Zuckerberg ने अधिकारियों के जरिए भेजी माफी

 

MeitY के सूत्रों के अनुसार, Mark Zuckerberg ने प्लेटफॉर्म के संचालन में हुई गलतियों को लेकर शीर्ष अधिकारियों के माध्यम से अपनी माफी पहुंचाई। सूत्रों ने बताया कि बैठक के दौरान Meta ने यह भी स्वीकार किया कि कुछ खास तरह के कंटेंट को ज्यादा लोगों तक पहुंचाने के लिए बड़ी रकम का भुगतान किया गया था। सूत्र के मुताबिक, Meta ने गलती स्वीकार करते हुए माफी मांगी और इस पर अफसोस जताया। हालांकि, मंत्रालय की ओर से इस संबंध में अभी सार्वजनिक रूप से विस्तृत बयान सामने नहीं आया है।

CSEAM और महिलाओं के खिलाफ आपत्तिजनक कंटेंट पर भी सख्ती

बीजेपी सांसद निशिकांत दुबे की अध्यक्षता वाली सूचना प्रौद्योगिकी संबंधी संसदीय स्थायी समिति ने उन intermediary platforms के खिलाफ कार्रवाई की मांग की, जहां CSEAM और महिलाओं के खिलाफ अपमानजनक सामग्री उपलब्ध होने का आरोप है। सूत्रों के मुताबिक, समिति की ओर से यह भी स्पष्ट किया गया कि जो प्लेटफॉर्म खुद तय करते हैं कि किस यूजर को कौन-सा कंटेंट दिखाया जाएगा, उन्हें केवल intermediary की सामान्य परिभाषा के तहत सुरक्षा नहीं दी जा सकती। समिति ने कथित तौर पर कहा कि ऐसे मामलों में IT Act के तहत Safe Harbour protection लागू नहीं होगा।

Google India को लेकर भी समिति ने मांगी कार्रवाई

संसदीय समिति ने Google India से जुड़े एक कथित साइबर फ्रॉड मामले का भी उल्लेख किया है। समिति के अनुसार, शिकायतकर्ताओं ने आरोप लगाया कि फर्जी ऐप्स के माध्यम से निवेश करने पर उन्हें 48 लाख रुपये से अधिक का नुकसान हुआ। पत्र में कहा गया कि Hyderabad Cyber Police की कार्रवाई में Google India के प्रमुख को कथित साइबर धोखाधड़ी से जुड़े मामले में सह-आरोपी के तौर पर शामिल किए जाने की बात सामने आई है। समिति ने इस मामले में भी भारत सरकार से Google India के खिलाफ इसी तरह की कार्रवाई करने की इच्छा जताई है।

IndiGo की 20वीं सालगिरह पर बड़ा ऑफर, 20 हजार लोगों को मिलेगा फ्लाइट का फ्री टिकट! जानें कैसे उठाएं स्कीम का फायदा

अगर आप इंडिगो से घरेलू फ्लाइट बुक करने की सोच रहे हैं, तो ये खबर आपके काम की है। इंडिगो अपनी एनिवर्सरी के मौके पर एक खास ऑफर लेकर आया है। इस कैंपेन के तहत कुछ चुनिंदा यात्रियों को 10,000 रुपये तक का फ्लाइट किराया वापस मिलने का मौका मिलेगा। ये सुविधा केवल तय अवधि के दौरान की गई एलिजिबल डोमेस्टिक बुकिंग पर ही लागू होगी। पहले कुछ लोगों का रैंडम तरीके से सेलेक्ट किया जाएगा और इसके बाद उन्हें इंडिगो से जुड़े एक सवाल का सही जवाब देना होगा। सभी शर्तें पूरी करने वाले यात्रियों को ही इस ऑफर का फायदा मिल सकेगा। आइए जानते हैं कैसे कर सकते हैं इसके लिए आवेदन

कैसे उठाए योजना का लाभ

स्टेप 1: ऑफर के दौरान करें फ्लाइट बुक

इस ऑफर का लाभ उठाने के लिए यात्रियों को 4 अगस्त से 6 अगस्त 2026 के बीच अपनी फ्लाइट बुक करनी होगी। केवल इसी अवधि में की गई बुकिंग को इस कैंपेन के लिए वैलिड माना जाएगा। ये ऑफर घरेलू उड़ानों की इकॉनमी और स्ट्रेच श्रेणी ( प्रीमियम बिजनेस क्लास) पर लागू है। इसमें एक तरफ की यात्रा, आने-जाने की टिकट, कनेक्टिंग फ्लाइट और मल्टी-सिटी यात्रा जैसी सभी आइटिनररी बुकिंग शामिल हैं।

स्टेप 2: ऑफिशियल बुकिंग चैनल का इस्तेमाल करें

इस ऑफर में शामिल होने के लिए टिकट की बुकिंग केवल इंडिगो की आधिकारिक वेबसाइट, मोबाइल ऐप या एयरलाइन के स्काई प्लेटफॉर्म से करनी होगी। अगर टिकट किसी ट्रैवल एजेंट, ऑनलाइन ट्रैवल वेबसाइट या किसी अन्य थर्ड-पार्टी प्लेटफॉर्म से खरीदा गया है, तो वह इस ऑफर के लिए वैलिड नहीं होगा। इसके अलावा इंटरनेशनल उड़ानों और कोडशेयर फ्लाइट की बुकिंग पर भी ये ऑफर लागू नहीं होगा।

स्टेप 3: सही कॉन्टैक्ट डिटेल्स डालें

टिकट बुक करते समय अपना मोबाइल नंबर और ईमेल आईडी सही दर्ज करना बहुत जरूरी है। अगर आपका शॉर्टलिस्ट होते हैं, तो इंडिगो इन्हीं रजिस्टर्ड कॉन्टैक्ट डिटेल्स पर ईमेल और WhatsApp के जरिए एक सवाल भेजेगा। इसलिए बुकिंग के बाद इन जानकारियों में बदलाव नहीं किया जा सकेगा।

स्टेप 4: रैंडम सिलेक्शन का इंतजार करें

सिर्फ एलिजिबल टिकट बुक कर लेने से किसी कस्टमर को इनाम नहीं मिलेगा। सबसे पहले इंडिगो तय प्रक्रिया के तहत रैंडम तरीके से कुछ यात्रियों का चयन करेगा। एयरलाइन का लक्ष्य इस कैंपेन के दौरान करीब 20,000 लोगों को शॉर्टलिस्ट करने का है। इसके बाद चुने गए यात्रियों को आगे की प्रक्रिया पूरी करनी होगी, तभी वे ऑफर का लाभ पाने के लिए योग्य माने जाएंगे।

4 अगस्त: 10,000 पार्टिसिपेंट्स

5 अगस्त: 5,000 पार्टिसिपेंट्स

6 अगस्त: 5,000 पार्टिसिपेंट्स

स्टेप 5: सवाल का सही जवाब दें

जिन ग्राहकों का सेलेक्शन होगा, उन्हें इंडिगो की ओर से एक सवाल भेजा जाएगा। नोटिफिकेशन मिलने के बाद उसका जवाब देने के लिए 48 घंटे का समय दिया जाएगा। सही उत्तर देने के लिए तीन अवसर मिलेंगे। तय समय के भीतर सही जवाब देने वाले ग्राहक ही रिफंड पाने के लिए पात्र माने जाएंगे।

स्टेप 6: रिफंड पाएं

जो यात्री सभी शर्तें पूरी करेंगे और अंतिम रूप से चयनित होंगे, उन्हें लागू टैक्स सहित अधिकतम 10,000 रुपये तक का टिकट किराया वापस किया जाएगा। इंडिगो की ओर से पात्रता की पुष्टि होने के बाद 3 से 5 वर्किंग डेज के भीतर रिफंड की राशि उसी माध्यम से भेज दी जाएगी, जिससे टिकट का भुगतान किया गया था।

WhatsApp ने बिना चेतावनी हजारों अकाउंट किए ब्लॉक, Meta ने बताया क्यों हुई कार्रवाई

whatsapp blocked thousands account for 24 hours

भारत के हजारों व्हाट्सऐप यूजर्स को सोमवार रात उस समय बड़ा झटका लगा जब हजारों अकाउंट्स ब्लॉक हो गए। दरअसल मेटा के स्वामित्व वाले इस लोकप्रिय इंस्टेंट मैसेजिंग प्लेटफॉर्म ने बिना किसी पूर्व चेतावनी हजारों व्हाट्सऐप अकाउंट्स को 24 घंटे के लिए 'अंडर रिव्यू' में डाल दिया है। इससे सब हैरान रह गए। इसके कारण प्रभावित लोग न तो किसी को मैसेज भेज पा रहे थे और न ही कॉल कर पा रहे थे। ALSO READ: E20 पर AAP का बड़ा प्रदर्शन, केजरीवाल 100 समर्थकों के साथ पीएम आवास की ओर करेंगे मार्च

 

अचानक हुई इस कार्रवाई से दैनिक कामकाज और बिजनेस के लिए व्हाट्सऐप पर निर्भर लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। यह समस्या रात 8 बजे के आसपास शुरू हुई थी, जो देर रात तक चलती रही।

 

इससे सोशल मीडिया पर यूजर्स का गुस्सा फूट पड़ा। कई लोगों ने स्क्रीनशॉट शेयर करते हुए लिखा कि जब उन्होंने किसी नियम का उल्लंघन नहीं किया तो उनके अकाउंट्स रिव्यू में क्यों डाल दिए गए?
 

व्हाट्सऐप ने भेजा यह मैसेज

ऐप ब्लॉक होने के बाद जैसे ही यूजर्स ने व्हाट्सऐप ओपन किया, उन्हें स्क्रीन पर एक नोटिस दिखाई दिया। इस पर लिखा था 'Account in review Your account activity and device info is being checked' इस संदेश में साफ लिखा था कि यूजर्स की एक्टिविटी और डिवाइस की जानकारी जांची जा रही है और इसका परिणाम आमतौर पर 24 घंटे के भीतर नोटिफाई किया जाएगा।

 

Meta ने दी सफाई

व्हाट्सऐप के प्रवक्ता ने आधिकारिक बयान जारी कर बताया कि हम अपने प्लेटफॉर्म को सुरक्षित रखने और इसका दुरुपयोग रोकने के लिए लगातार काम करते हैं। इसके लिए सुरक्षा प्रणालियों के तहत अकाउंट्स बैन किए जाते हैं। कई बार हमारे ऑटोमेटेड सिस्टम से भी गलती हो जाती है। अगर ऐसा हुआ है, तो हम इसे जल्द से जल्द ठीक करने और लोगों को दोबारा चैटिंग से जोड़ने का प्रयास कर रहे हैं।