Zetwerk Manufacturing IPO 15 अक्टूबर से, प्राइस बैंड ₹143-₹151 प्रति शेयर तय

जेटवर्क मैन्युफैक्चरिंग बिजनेस लिमिटेड का IPO 15 अक्टूबर को खुलने जा रहा है। इसके लिए प्राइस बैंड ₹143-₹151 प्रति शेयर फिक्स किया गया है। लॉट साइज 99 शेयर है। कंपनी का इरादा ₹5,012.33 करोड़ जुटाने का है। IPO में ₹2,830 करोड़ के नए शेयर जारी होंगे, साथ ही ₹2,182.33 करोड़ के शेयरों का ऑफर फॉर सेल (OFS) रहेगा। इश्यू 19 अक्टूबर को बंद होगा, जिसके बाद अलॉटमेंट 21 अक्टूबर को फाइनल हो सकता है। 20 अक्टूबर को शेयर बाजार में दशहरा की छुट्टी है। कंपनी के शेयर NSE और BSE पर 23 अक्टूबर को लिस्ट हो सकते हैं।

जेटवर्क पहले एक डिजिटल मार्केटप्लेस थी और अब मैन्युफैक्चरर्स को ग्राहकों से जोड़कर एक एंड-टू-एंड इंडस्ट्रियल मैन्युफैक्चरिंग प्लेटफॉर्म बन गई है। यह कई सेक्टर्स में कस्टम-बिल्ट कंपोनेंट्स के लिए इंजीनियरिंग, उत्पादन और डिलीवरी को व्यवस्थित करती है। ग्राहक डिजाइन प्रदान करते हैं, जेटवर्क सप्लायर का चयन, गुणवत्ता नियंत्रण, टाइमलाइंस और लॉजिस्टिक्स को संभालती है। कंपनी लैपटॉप, हियरेबल्स, वियरेबल्स, IT हार्डवेयर बनाती है। जेटवर्क में खोसला वेंचर्स, एक्सेल, लाइटस्पीड, पीक XV पार्टनर्स, ग्रीनओक्स, एवेनिर जैसे दिग्गजों का पैसा लगा हुआ है।

जेटवर्क में फुली डाइल्यूटेड बेसिस पर पीक XV पार्टनर्स इनवेस्टमेंट्स V सबसे बड़ी इंडीविजुअल शेयरहोल्डर है, जिसके पास 9.12 प्रतिशत हिस्सेदारी है। ग्रीनओक्स कैपिटल अपॉर्चुनिटीज फंड II के पास 8.61 प्रतिशत, रामकृष्णन के पास 8.36 प्रतिशत, एक्सेल इंडिया V के पास 7.74 प्रतिशत और आचार्य के पास 7.53 प्रतिशत हिस्सा है।

Zetwerk IPO को जुलाई में सेबी से मिली थी मंजूरी

जेटवर्क ने अपने IPO के लिए इस साल मार्च में कॉन्फिडेंशियल तरीके से ड्राफ्ट पेपर जमा किए थे। कैपिटल मार्केट रेगुलेटर सेबी से जुलाई में मंजूरी मिलने के बाद अपडेटेड ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस 13 अगस्त 2026 को फाइल किया। OFS में प्रमोटर-ग्रुप एंटिटी Creovate Innovation, को-फाउंडर अमृत आचार्य, श्रीनाथ रामकृष्णन के साथ-साथ निवेशक पीक XV पार्टनर्स, एक्सेल, लाइटस्पीड वेंचर, के कैपिटल आदि भी शेयरों को बिक्री के लिए रखेंगे।

Fusion CX IPO: ₹702 करोड़ का एक और इश्यू 14 अक्टूबर से; रहेंगे ₹500 करोड़ के नए शेयर; चेक करें प्राइस बैंड

IPO के लिए कोटक महिंद्रा कैपिटल कंपनी, मॉर्गन स्टेनली इंडिया, गोल्डमैन सैक्स (इंडिया) सिक्योरिटीज, एवेंडस कैपिटल, जेएम फाइनेंशियल, एचएसबीसी सिक्योरिटीज एंड कैपिटल मार्केट्स (इंडिया), पैंटोमैथ कैपिटल एडवाइजर्स, बुक रनिंग लीड मैनेजर हैं। रजिस्ट्रार Kfin Technologies Ltd. है। इश्यू में 75 प्रतिशत हिस्सा क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स के लिए, 10 प्रतिशत हिस्सा रिटेल इनवेस्टर्स के लिए और 15 प्रतिशत हिस्सा नॉन इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स के लिए रिजर्व है।

IPO के पैसे कैसे होंगे इस्तेमाल

Zetwerk अपने IPO में नए शेयरों को जारी कर हासिल होने वाले पैसों का इस्तेमाल अपना और सब्सिडियरीज का कर्ज चुकाने, पहले से न पता अधिग्रहणों, अन्य रणनीतिक निवेशों और सामान्य कॉर्पोरेट उद्देश्यों के लिए करेगी। अप्रैल-जून 2026 तिमाही में कंपनी का रेवेन्यू ₹4,195.70 करोड़ और शुद्ध घाटा ₹732.98 करोड़ रहा। इस बीच कंपनी पर ₹1,942.19 करोड़ की उधारी थी। वित्त वर्ष 2025-26 में जेटवर्क का रेवेन्यू 40 प्रतिशत बढ़कर ₹16,100.63 करोड़ रहा। घाटा 1,606.17 करोड़ दर्ज किया गया।

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

Fusion CX IPO: ₹702 करोड़ का एक और इश्यू 14 अक्टूबर से; रहेंगे ₹500 करोड़ के नए शेयर; चेक करें प्राइस बैंड

मेनबोर्ड सेगमेंट में फ्यूजन CX का ₹702 करोड़ का IPO 14 अक्टूबर को खुलने वाला है। प्राइस बैंड ₹275-₹289 प्रति शेयर और लॉट साइज 51 शेयर है। कंपनी वॉइस, ईमेल, चैट, सोशल मीडिया और मैसेजिंग के जरिए मल्टीचैनल कस्टमर सपोर्ट उपलब्ध कराती है। यह AI डेटा इंफ्रास्ट्रक्चर सर्विस भी देती है, जिसमें डेटा कलेक्शन, डेटा एनोटेशन, इमेज व वीडियो लेबलिंग, और रोबोटिक टेली-ऑपरेशंस शामिल हैं।

Fusion CX इंसानी विशेषज्ञता को टेक्नोलॉजी और अपने खास AI टूल्स के साथ कंबाइन करके कई भाषाओं में और कई चैनलों के जरिए कस्टमर एंगेजमेंट उपलब्ध कराती है, काम करने की क्षमता बेहतर बनाती है और कस्टमर के साथ बातचीत को ऑटोमेट करती है। 30 जून, 2026 तक Fusion CX के 13 देशों में 40 डिलीवरी सेंटर थे।

कंपनी के पब्लिक इश्यू में ₹500 करोड़ के 1.73 करोड़ नए शेयर जारी होंगे। साथ ही ₹202 करोड़ के 69.90 लाख शेयरों का ऑफर फॉर सेल (OFS) रहेगा। OFS में प्रमोटर्स P.N.S. बिजनेस प्राइवेट लिमिटेड और रसीश कंसल्टेंट्स प्राइवेट लिमिटेड शेयरों को बिक्री के लिए रखेंगे। एंकर निवेशक 13 अक्टूबर को बोली लगा सकेंगे।

कब होगी लि​स्टिंग

IPO 16 अक्टूबर को बंद होगा, जिसके बाद अलॉटमेंट 19 अक्टूबर को फाइनल हो सकता है। कंपनी के शेयर NSE और BSE पर 22 अक्टूबर को लिस्ट होंगे। इस इश्यू के लिए ‘नुवामा वेल्थ मैनेजमेंट लिमिटेड’ बुक रनिंग लीड मैनेजर है। रजिस्ट्रार Kfin Technologies है। IPO में 75 प्रतिशत हिस्सा क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स के लिए, 15 प्रतिशत हिस्सा नॉन इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स के लिए और 10 प्रतिशत हिस्सा रिटेल इनवेस्टर्स के लिए रिजर्व है।

ग्रे मार्केट में Fusion CX का शेयर अभी से 19.03 प्रतिशत प्रीमियम पर ट्रेड कर रहा है। ग्रे मार्केट एक अनऑथराइज्ड मार्केट है, जहां​ किसी कंपनी के शेयर उसकी लिस्टिंग तक ट्रेड करते हैं।

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कंपनी की वित्तीय सेहत

Fusion CX का अप्रैल-जून 2026 तिमाही में रेवेन्यू ₹503.85 करोड़ रहा। शुद्ध मुनाफा ₹55.70 करोड़ दर्ज किया गया। इस बीच कंपनी पर ₹238.13 करोड़ की उधारी थी। वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान कंपनी का रेवेन्यू 37 प्रतिशत बढ़कर ₹1,851.83 करोड़ और शुद्ध मुनाफा 129 प्रतिशत की बढ़ोतरी के साथ ₹169.84 करोड़ रहा।

IPO के पैसे कैसे होंगे इस्तेमाल

कंपनी अपने पब्लिक इश्यू में नए शेयरों को जारी कर होने वाली कमाई का इस्तेमाल अपना और सब्सिडियरीज का कर्ज चुकाने के लिए, स्टेप डाउन सब्सिडियरीज में निवेश के लिए, पहले से न पता अधिग्रहणों के जरिए इनऑर्गेनिक ग्रोथ के लिए और आम कॉरपोरेट उद्देश्यों के लिए करेगी।

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

SRIT India IPO: ₹218 करोड़ का इश्यू 125 गुना भरकर बंद, अलॉटमेंट आज 1 अक्टूबर को; ग्रे मार्केट में भाग रहा शेयर

मेनबोर्ड सेगमेंट में SRIT इंडिया का ₹218.40 करोड़ का IPO 125.16 गुना भरकर बंद हो चुका है। क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स के लिए रिजर्व हिस्सा 91.84 गुना, नॉन इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स के लिए रिजर्व हिस्सा 312.99 गुना और रिटेल इनवेस्टर्स के​ लिए रिजर्व हिस्सा 63.70 गुना सब्सक्राइब हुआ। अब अलॉटमेंट 1 अक्टूबर को फाइनल हो सकता है। उसके बाद कंपनी के शेयर NSE और BSE पर 6 अक्टूबर को लिस्ट होने की उम्मीद है।

ग्रे मार्केट में कंपनी का शेयर 36.92 प्रतिशत प्रीमियम पर ट्रेड कर रहा है। ग्रे मार्केट एक अनऑथराइज्ड मार्केट है, जहां​ किसी कंपनी के शेयर उसकी लिस्टिंग तक ट्रेड करते हैं। IPO के लिए चॉइस कैपिटल एडवाइजर्स, बुक रनिंग लीड मैनेजर है। रजिस्ट्रार Kfin Technologies है।

जिन लोगों ने SRIT India IPO में पैसे लगाए हैं, वे इसकी रजिस्ट्रार Kfin Technologies और स्टॉक एक्सचेंज BSE की वेबसाइट पर जाकर अलॉटमेंट स्टेटस चेक कर सकते हैं। इसकी प्रोसेस इस तरह है…

Kfin Technologies की वेबसाइट से

  • https://ipostatus.kfintech.com/ पर जाएं।
  • IPO में SRIT India सिलेक्ट करें।
  • अब एप्लीकेशन नंबर, PAN और डीमैट अकाउंट में से किसी एक को सिलेक्ट कर डिटेल्स एंटर करें।
  • ‘Submit’ बटन पर क्लिक करें।

BSE से कैसे करें चेक

  • https://www.bseindia.com/investors/appli_check.aspx पर जाएं।
  • इश्यू का टाइप ‘इक्विटी’ चुनें।
  • ड्रॉपडाउन मेन्यू से SRIT India IPO चुनें।
  • एप्लीकेशन नंबर या PAN डिटेल्स एंटर करें।
  • ‘कैप्चा’ डालें।
  • ‘सर्च’ बटन पर क्लिक करें।

SRIT India IPO में 1.68 करोड़ नए शेयर जारी हुए। प्राइस बैंड ₹123-₹130 प्रति शेयर था। SRIT इंडिया लिमिटेड बेंगलुरु की एक इनफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी और इनफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी इनेबल्ड सर्विसेज (IT/ITeS) सॉल्यूशंस कंपनी है। यह डिजिटल सॉल्यूशन, कस्टम एप्लीकेशन डेवलपमेंट और सिस्टम इंटीग्रेशन सर्विसेज उपलब्ध कराती है। कंपनी भारत और कुछ विदेशी बाजारों में सरकारी संस्थाओं और एंटरप्राइजेज के लिए डिजिटल प्लेटफॉर्म डिजाइन, इंप्लीमेंट और ऑपरेट करती है।

SRIT इंडिया 3 वर्टिकल में काम करती है: हेल्थकेयर, इलेक्ट्रॉनिक गवर्नेंस, और टेलीकम्युनिकेशंस व ब्रॉडबैंड। इसकी सर्विसेज में हेल्थकेयर इनफॉर्मेशन सिस्टम्स, डिजिटल हेल्थ प्लेटफॉर्म, ई-गवर्नेंस सॉल्यूशंस, साइबर सिक्योरिटी, एंटरप्राइज सॉफ्टवेयर, नेटवर्किंग, कनेक्टिविटी, फाइबर ऑप्टिक इंफ्रास्ट्रक्चर, सिस्टम इंटीग्रेशन, ऑटोमेशन और मैनेज्ड सर्विसेज शामिल हैं।

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IPO के पैसे कैसे होंगे इस्तेमाल

कंपनी पब्लिक इश्यू से हुई कमाई का इस्तेमाल मौजूदा प्रोडक्ट्स को आधुनिक बनाने और रीडेवलपमेंट के लिए, वर्किंग कैपिटल जरूरतों को पूरा करने के लिए, पहले से न पता अधिग्रहणों और अन्य रणनीतिक पहलों के जरिए इनऑर्गेनिक ग्रेाथ के लिए, और आम कॉरपोरेट कामों के लिए करेगी। SRIT India का वित्त वर्ष 2025-26 में रेवेन्यू 15 प्रतिशत बढ़कर ₹462.54 करोड़ रहा। शुद्ध मुनाफा 29 प्रतिशत की बढ़ोतरी के साथ ₹43.29 करोड़ रहा। इस बीच कंपनी पर ₹36.15 करोड़ की उधारी थी। वित्त वर्ष 2025 के दौरान रेवेन्यू ₹400.50 करोड़ और शुद्ध मुनाफा ₹33.60 करोड़ दर्ज किया गया।

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

SRIT India IPO: 25% के पार पहुंचा GMP, 28 सितंबर को खुलेगा इश्यू; जानिए हर एक डिटेल

SRIT India IPO: डिजिटल सॉल्यूशन देने वाली SRIT India का आईपीओ 28 सितंबर से खुलने वाला है। कंपनी का इश्यू से ₹218.40 जुटाने का प्लान है। इसका ग्रे मार्केट प्रीमियम यानी GMP बढ़कर 25% के पार पहुंच गया है।

IPO कब खुलेगा?

बेंगलुरु की IT सॉल्यूशन कंपनी SRIT India का IPO 28 सितंबर को खुलेगा। निवेशकों के पास 30 सितंबर तक आवेदन करने का मौका रहेगा। प्राइस बैंड 123 से 130 रुपये प्रति शेयर रखा गया है। इसकी 6 अक्टूबर को बाजार में लिस्टिंग हो सकती है।

IPO के बाद कंपनी में प्रमोटर्स की हिस्सेदारी घट जाएगी। अभी प्रमोटर्स के पास 84.74% हिस्सेदारी है। IPO के बाद यह 62.59% रह जाएगी।

GMP से कितने मुनाफे का संकेत?

Investorgain के मुताबिक, SRIT India का GMP 33 रुपये है। यह अपर प्राइस बैंड 130 रुपये से करीब 25.38% ज्यादा है। हालांकि, GMP ग्रे मार्केट का संकेत है। यह लिस्टिंग पर मिलने वाले रिटर्न की गारंटी नहीं है।

कंपनी क्या करती है?

SRIT India डिजिटल सॉल्यूशन और सिस्टम ऑटोमेशन का काम करती है। कंपनी कस्टम एप्लीकेशन बनाती है। साथ ही अलग-अलग सिस्टम को इंटीग्रेट करने की सर्विस भी देती है।

कंपनी सरकारी संस्थाओं और एंटरप्राइज के लिए डिजिटल प्लेटफॉर्म तैयार करती है। इसका कारोबार भारत के अलावा कुछ विदेशी बाजारों में भी है।

AI पर भी फोकस

SRIT India अपने मुख्य बिजनेस में AI बेस्ड सॉल्यूशन जोड़ रही है। इसका मकसद AI से जुड़ी अपनी क्षमता बढ़ाना है।

SRIT India ने बड़े और महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट भी लागू किए हैं। कंपनी डिजिटल प्लेटफॉर्म को डिजाइन करने से लेकर उसे चलाने तक का काम करती है।

IPO के पैसे का क्या होगा?

IPO से मिलने वाली रकम का इस्तेमाल कई कामों में किया जाएगा। कंपनी मौजूदा प्रोडक्ट्स को आधुनिक बनाने और उनके दोबारा विकास पर पैसा लगाएगी।

इसके अलावा वर्किंग कैपिटल की जरूरत पूरी की जाएगी। कंपनी अधिग्रहण के जरिए कारोबार बढ़ाने और दूसरी रणनीतिक योजनाओं पर भी पैसा खर्च करेगी। कुछ रकम सामान्य कॉर्पोरेट जरूरतों के लिए रखी जाएगी।

सरकारी कारोबार से सबसे ज्यादा रेवेन्यू

SRIT India के कारोबार में सरकारी सेगमेंट की बड़ी हिस्सेदारी है। मार्च 2026 को खत्म वित्त वर्ष में कंपनी का रेवेन्यू 450 करोड़ रुपये रहा। एक साल पहले यह 389.3 करोड़ रुपये था। यानी रेवेन्यू में 15.6% की बढ़ोतरी हुई।

कंपनी के कुल रेवेन्यू में सरकारी कारोबार की हिस्सेदारी 89.41% रही। वहीं एंटरप्राइज सेगमेंट से 10.59% रेवेन्यू आया।

किन कंपनियों से मुकाबला?

SRIT India की तुलना Allied Digital Services, Aurionpro Solutions, Mastek और Protean eGov Technologies जैसी लिस्टेड कंपनियों से की जाती है।

इस IPO के बुक रनिंग लीड मैनेजर Choice Capital Advisors Private Limited हैं। KFin Technologies Limited इश्यू की रजिस्ट्रार है।

लंबी और मध्यम अवधि के लिहाज से यह शेयरों में निवेश का शानदार मौका, एक्सपर्ट ने बताई इसकी खास वजह

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

Sollfege Smart Electronics IPO: 30 सितंबर से ₹21 करोड़ का इश्यू खुलेगा, जानिए प्राइस बैंड समेत पूरी डिटेल

Sollfege Smart Electronics IPO: स्मार्ट इलेक्ट्रॉनिक्स के कारोबार से जुड़ी कोलकाता की Sollfege Smart Electronics Limited अपना IPO ला रही है। कंपनी का IPO 30 सितंबर 2026 को खुलेगा। इसमें निवेश के लिए 5 अक्टूबर तक मौका मिलेगा। कंपनी के शेयर BSE SME प्लेटफॉर्म पर लिस्ट करने का प्रस्ताव है।

IPO की पूरी डिटेल

कंपनी IPO के जरिए 39.60 लाख इक्विटी शेयर जारी करेगी। हर शेयर की फेस वैल्यू 10 रुपये है। इश्यू प्राइस 55 रुपये प्रति शेयर तय किया गया है। इस हिसाब से IPO का कुल साइज 21.78 करोड़ रुपये है।

इस इश्यू का मार्केट लॉट 2,000 शेयरों का है। रिटेल निवेशकों को कम से कम दो लॉट के लिए आवेदन करना होगा। इसके लिए 2.20 लाख रुपये लगाने होंगे।

HNI निवेशकों के लिए न्यूनतम आवेदन तीन लॉट का है। यानी उन्हें कम से कम 3,000 शेयरों के लिए आवेदन करना होगा। इसके लिए 3.30 लाख रुपये की जरूरत होगी।

इस IPO के लिए Finshore Management Services Ltd. बुक रनिंग लीड मैनेजर है। Kfin Technologies Ltd. इश्यू की रजिस्ट्रार है।

IPO के पैसे का क्या होगा?

कंपनी IPO से मिले पैसे का इस्तेमाल कारोबार बढ़ाने में करेगी। इसमें सबसे बड़ा हिस्सा नए शोरूम खोलने पर खर्च होगा।

कंपनी 12 नए शोरूम खोलने के लिए 8.54 करोड़ रुपये खर्च करेगी। इससे उसका रिटेल नेटवर्क बढ़ेगा। साथ ही ग्राहकों तक पहुंच भी मजबूत करने की योजना है।

कंपनी 9.67 करोड़ रुपये वर्किंग कैपिटल के लिए रखेगी। बाकी 1.80 करोड़ रुपये सामान्य कॉर्पोरेट जरूरतों पर खर्च किए जाएंगे।

प्रीमियम होम एंटरटेनमेंट पर फोकस

Sollfege Smart Electronics प्रीमियम ऑडियो, वीडियो और स्मार्ट होम ऑटोमेशन सॉल्यूशन के कारोबार में है। कंपनी अपने ‘एक्सपीरियंस सेंटर’ के जरिए ग्राहकों को प्रोडक्ट्स और सॉल्यूशन उपलब्ध कराती है।

कंपनी का फोकस प्रीमियम होम एंटरटेनमेंट और स्मार्ट लिविंग से जुड़े बाजार पर है। नए शोरूम के जरिए इस कारोबार को और बढ़ाने की योजना है।

मैनेजिंग डायरेक्टर ने क्या कहा?

कंपनी के मैनेजिंग डायरेक्टर उमेश कुमार अग्रवाल ने कहा कि पिछले कुछ वर्षों में कंपनी ने प्रीमियम ऑडियो, वीडियो और स्मार्ट होम ऑटोमेशन के क्षेत्र में अपनी मौजूदगी मजबूत की है।

उन्होंने कहा कि कंपनी का अगला फोकस बाजार में अपनी पहुंच बढ़ाने, ग्राहक अनुभव बेहतर करने और प्रीमियम होम एंटरटेनमेंट व स्मार्ट लिविंग के क्षेत्र में एक भरोसेमंद नाम बनाने पर है।

तीन साल में बढ़ी कंपनी की कमाई

Sollfege Smart Electronics के फाइनेंशियल प्रदर्शन में भी सुधार हुआ है। कंपनी की कुल इनकम FY23 में 12.74 करोड़ रुपये थी। यह FY24 में बढ़कर 19.84 करोड़ रुपये और FY25 में 21.28 करोड़ रुपये हो गई।

कंपनी का EBITDA भी लगातार बढ़ा है। FY23 में यह 0.66 करोड़ रुपये था। FY24 में बढ़कर 1.73 करोड़ रुपये और FY25 में 3.24 करोड़ रुपये हो गया।

PAT यानी टैक्स के बाद मुनाफा भी बढ़ा है। FY23 में यह 0.36 करोड़ रुपये था। FY24 में 1.76 करोड़ रुपये और FY25 में 2.13 करोड़ रुपये रहा।

FY25 के आंकड़ों में कंपनी के ऑपरेटिंग प्रॉफिट में सुधार दिखता है। EBITDA और PAT में बढ़ोतरी के साथ कंपनी अपने कारोबार का विस्तार कर रही है।

लंबी और मध्यम अवधि के लिहाज से यह शेयरों में निवेश का शानदार मौका, एक्सपर्ट ने बताई इसकी खास वजह

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

SRIT India IPO: ₹218 करोड़ का एक और मेनबोर्ड इश्यू 28 सितंबर से, रहेंगे केवल नए शेयर; चेक करें प्राइस बैंड, GMP

मेनबोर्ड सेगमेंट में SRIT इंडिया का ₹218.40 करोड़ का IPO आ रहा है। यह 28 सितंबर को खुलेगा और 30 सितंबर को बंद होगा। इसमें 1.68 करोड़ नए शेयर रहेंगे। प्राइस बैंड ₹123-₹130 प्रति शेयर और लॉट साइज 115 शेयर है। SRIT इंडिया लिमिटेड बेंगलुरु की एक इनफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी और इनफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी इनेबल्ड सर्विसेज (IT/ITeS) सॉल्यूशंस कंपनी है। यह डिजिटल सॉल्यूशन, कस्टम एप्लीकेशन डेवलपमेंट और सिस्टम इंटीग्रेशन सर्विसेज उपलब्ध कराती है। कंपनी भारत और कुछ विदेशी बाजारों में सरकारी संस्थाओं और एंटरप्राइजेज के लिए डिजिटल प्लेटफॉर्म डिजाइन, इंप्लीमेंट और ऑपरेट करती है।

SRIT इंडिया 3 वर्टिकल में काम करती है: हेल्थकेयर, इलेक्ट्रॉनिक गवर्नेंस, और टेलीकम्युनिकेशंस व ब्रॉडबैंड। इसकी सर्विसेज में हेल्थकेयर इनफॉर्मेशन सिस्टम्स, डिजिटल हेल्थ प्लेटफॉर्म, ई-गवर्नेंस सॉल्यूशंस, साइबर सिक्योरिटी, एंटरप्राइज सॉफ्टवेयर, नेटवर्किंग, कनेक्टिविटी, फाइबर ऑप्टिक इंफ्रास्ट्रक्चर, सिस्टम इंटीग्रेशन, ऑटोमेशन और मैनेज्ड सर्विसेज शामिल हैं।

SRIT India के IPO की क्लोजिंग 30 सितंबर को होगी, जिसके बाद अलॉटमेंट 1 अक्टूबर को फाइनल हो सकता है। कंपनी के शेयर NSE और BSE पर 6 अक्टूबर को लिस्ट होने की उम्मीद है। IPO के लिए चॉइस कैपिटल एडवाइजर्स, बुक रनिंग लीड मैनेजर है। रजिस्ट्रार Kfin Technologies है।

IPO में कितना हिस्सा रिजर्व

पब्लिक इश्यू में 50 प्रतिशत हिस्सा क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स के लिए, 35 प्रतिशत हिस्सा रिटेल इनवेस्टर्स के लिए और 15 प्रतिशत हिस्सा नॉन इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स के लिए रिजर्व है। कंपनी पब्लिक इश्यू से हुई कमाई का इस्तेमाल मौजूदा प्रोडक्ट्स को आधुनिक बनाने और रीडेवलपमेंट के लिए, वर्किंग कैपिटल जरूरतों को पूरा करने के लिए, पहले से न पता अधिग्रहणों और अन्य रणनीतिक पहलों के जरिए इनऑर्गेनिक ग्रेाथ के लिए, और आम कॉरपोरेट कामों के लिए करेगी।

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SRIT India की वित्तीय सेहत

SRIT India का वित्त वर्ष 2025-26 में रेवेन्यू 15 प्रतिशत बढ़कर ₹462.54 करोड़ रहा। शुद्ध मुनाफा 29 प्रतिशत की बढ़ोतरी के साथ ₹43.29 करोड़ रहा। इस बीच कंपनी पर ₹36.15 करोड़ की उधारी थी। वित्त वर्ष 2025 के दौरान रेवेन्यू ₹400.50 करोड़ और शुद्ध मुनाफा ₹33.60 करोड़ दर्ज किया गया। ग्रे मार्केट में कंपनी का शेयर अभी से 24.62 प्रतिशत प्रीमियम पर ट्रेड कर रहा है। ग्रे मार्केट एक अनऑथराइज्ड मार्केट है, जहां​ किसी कंपनी के शेयर उसकी लिस्टिंग तक ट्रेड करते हैं।

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

Varmora Granito IPO 1.60 गुना भरकर बंद, अब अलॉटमेंट आज, 25 सितंबर को; कैसी रहेगी लिस्टिंग

वरमोरा ग्रैनिटो का ₹708.02 करोड़ का IPO 1.60 गुना भरकर बंद हो गया है। इसमें ₹320 करोड़ के 2.16 करोड़ नए शेयर जारी हुए। साथ ही मौजूदा शेयरहोल्डर्स की ओर से ₹388.02 करोड़ के 2.62 करोड़ शेयरों का ऑफर फॉर सेल रहा। प्राइस बैंड ₹140-₹148 प्रति शेयर था। अब 25 सितंबर को अलॉटमेंट फाइनल होने की उम्मीद है। उसके बाद कंपनी के शेयर NSE और BSE पर 29 सितंबर को लिस्ट हो सकते हैं।

वरमोरा ग्रैनिटो लिमिटेड, सिरेमिक और विट्रिफाइड टाइल्स (जैसे ग्लेज्ड विट्रिफाइड टाइल्स- GVT, पॉलिश्ड विट्रिफाइड टाइल्स- PVT और सिरेमिक टाइल्स) बनाती और बेचती है। कंपनी का फोकस प्रीमियम और टेक्नोलॉजी बेस्ड प्रोडक्ट्स पर है। कंपनी के प्रमोटर भावेश वल्लभदास वरमोरा, हीरेन आर वरमोरा, और प्रमोदकुमार परसोतमभाई पटेल हैं। वरमोरा भारत के साथ-साथ विदेश में भी ऑपरेशनल है।

जिन लोगों ने Varmora Granito IPO में पैसे लगाए हैं, वे इसकी रजिस्ट्रार Kfin Technologies और स्टॉक एक्सचेंज BSE की वेबसाइट पर जाकर अलॉटमेंट स्टेटस चेक कर सकते हैं। इसकी प्रोसेस इस तरह है…

Kfin Technologies की वेबसाइट से

  • https://ipostatus.kfintech.com/ पर जाएं।
  • IPO में Varmora Granito सिलेक्ट करें।
  • अब एप्लीकेशन नंबर, PAN और डीमैट अकाउंट में से किसी एक को सिलेक्ट कर डिटेल्स एंटर करें।
  • ‘Submit’ बटन पर क्लिक करें।

BSE से कैसे करें चेक

  • https://www.bseindia.com/investors/appli_check.aspx पर जाएं।
  • इश्यू का टाइप ‘इक्विटी’ चुनें।
  • ड्रॉपडाउन मेन्यू से Varmora Granito IPO चुनें।
  • एप्लीकेशन नंबर या PAN डिटेल्स एंटर करें।
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कंपनी के IPO में क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स के लिए रिजर्व हिस्सा 3.10 गुना, नॉन इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स के लिए रिजर्व हिस्सा 0.94 गुना और रिटेल इनवेस्टर्स के लिए रिजर्व हिस्सा 1.02 गुना सब्सक्राइब हुआ। ग्रे मार्केट में वरमोरा ग्रैनिटो के शेयर महज 0.34 प्रतिशत प्रीमियम पर ट्रेड कर रहे हैं। ग्रे मार्केट एक अनऑथराइज्ड मार्केट है, जहां​ किसी कंपनी के शेयर उसकी लिस्टिंग तक ट्रेड करते हैं।

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IPO के पैसे कैसे होंगे इस्तेमाल

कंपनी अपने IPO में नए शेयरों को जारी कर हासिल होने वाले पैसों का इस्तेमाल अपना और सब्सिडियरीज का कर्ज चुकाने के लिए और आम कॉरपोरेट उद्देश्यों के लिए करेगी। वरमोरा ग्रैनिटो का वित्त वर्ष 2025-26 में रेवेन्यू 5 प्रतिशत बढ़कर 1,562.53 करोड़ रुपये रहा। शुद्ध मुनाफा 79 प्रतिशत की बढ़ोतरी के साथ 55 करोड़ रुपये दर्ज किया गया। इस दौरान कंपनी पर 357.95 करोड़ रुपये की उधारी थी। एक साल पहले रेवेन्यू 1,492.68 करोड़ रुपये और शुद्ध मुनाफा 30.77 करोड़ रुपये रहा।

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

RentoMojo IPO: 72 गुना सब्सक्राइब हुआ इश्यू, GMP मचा रहा धूम; जानिए अलॉटमेंट स्टेटस चेक करने का पूरा प्रोसेस

RentoMojo IPO : रेंटल टेक्नोलॉजी कंपनी RentoMojo IPO 9 सितंबर से 11 सितंबर 2026 तक खुला था। इश्यू को कुल 72.84 गुना सब्सक्रिप्शन मिला। कंपनी ने शेयर का प्राइस बैंड ₹384 से ₹404 रखा था। IPO का कुल साइज करीब ₹1,255.57 करोड़ है।

इसमें ₹150 करोड़ का फ्रेश इश्यू और करीब ₹1,105.57 करोड़ का OFS शामिल है। RentoMojo लोगों को फर्नीचर, इलेक्ट्रॉनिक्स, गाड़ी और दूसरे लाइफस्टाइल प्रोडक्ट खरीदने के बजाय मासिक किराये पर लेने की सुविधा देती है।

RentoMojo IPO का अलॉटमेंट

इस आईपीओ का अलॉटमेंट सोमवार, 14 सितंबर को हो सकता था। लेकिन सोमवार को गणेश चतुर्थी के चलते शेयर बाजार बंद है।

इसलिए अब अलॉटमेंट 15 सितंबर को होने की उम्मीद है। जिन निवेशकों को शेयर मिलेंगे, उनके डीमैट अकाउंट में शेयर 16 सितंबर को क्रेडिट हो सकते हैं। कंपनी के शेयर की 17 सितंबर को NSE और BSE पर लिस्टिंग संभावित है।

RentoMojo IPO का लेटेस्ट GMP

ग्रे मार्केट में भी RentoMojo IPO को काफी अच्छा रिस्पॉन्स मिल रहा है। इसका लेटेस्ट GMP ₹151 है। यह अपर प्राइस बैंड से 37.38% लिस्टिंग गेन का संकेत देता है। हालांकि, GMP अनऑफिशियल मार्केट का संकेत है। इसमें कभी भी बदलाव हो सकता है। इसलिए इसे शेयर की संभावित लिस्टिंग कीमत की गारंटी नहीं मानना चाहिए।

KFin Technologies पर ऐसे चेक करें

  • KFin Technologies की IPO allotment वेबसाइट खोलें।
  • IPO की लिस्ट में RentoMojo चुनें।
  • PAN, एप्लिकेशन नंबर या DP ID/Client ID में से कोई एक विकल्प चुनें।
  • अपनी डिटेल दर्ज करें और सबमिट करें।
  • स्क्रीन पर आपका अलॉटमेंट स्टेटस दिख जाएगा।

NSE पर ऐसे चेक करें

  • NSE की IPO एप्लिकेशन स्टेटस वेबसाइट पर जाएं।
  • RentoMojo IPO चुनें।
  • जरूरी एप्लिकेशन डिटेल्स दर्ज करें।
  • सबमिट पर क्लिक करें।
  • स्क्रीन पर शेयर अलॉटमेंट की जानकारी मिल जाएगी।

Hero Motors IPO: 16 सितंबर को खुलेगा ₹1000 करोड़ का इश्यू, जानिए GMP, प्राइस बैंड समेत पूरी डिटेल

Sonaselection India IPO: 17 सितंबर को ओपनिंग, ₹142 करोड़ का है इश्यू; चेक करें प्राइस बैंड, लिस्टिंग डेट

मेनबोर्ड सेगमेंट में सोना सि​लेक्शन इंडिया का ₹141.57 करोड़ का IPO 17 सितंबर को खुलने जा रहा है। इसमें 1.43 करोड़ नए शेयर जारी होंगे। बोली लगाने के लिए प्राइस बैंड ₹94-₹99 प्रति शेयर और लॉट साइज 150 शेयर है। एंकर निवेशक 16 सितंबर को निवेश कर सकेंगे। इश्यू की क्लोजिंग 21 सितंबर को होगी, जिसके बाद अलॉटमेंट 22 सितंबर को फाइनल होगा।

कंपनी के शेयर NSE और BSE पर 24 सितंबर को लिस्ट हो सकते हैं। इस IPO के लिए चॉइस कैपिटल एडवाइजर्स, बुक रनिंग लीड मैनेजर है। रजिस्ट्रार Kfin Technologies है। सोना सि​लेक्शन इंडिया फैब्रिक बनाने और प्रोसेसिंग के कारोबार में है। यह वैल्यू-एडेड टेक्सटाइल प्रोडक्ट्स का प्रोडक्शन करती है।

यह 100% कॉटन फैब्रिक, कॉटन लाइक्रा (स्ट्रेच) फैब्रिक, कॉटन ब्लेंड और पॉलिएस्टर ब्लेंड बनाती है। साथ ही 100% कॉटन, कॉटन ब्लेंड, पॉलिएस्टर-विस्कोस (P/V) और पॉलिएस्टर फैब्रिक की प्रोसेसिंग भी करती है। कंपनी की मैन्युफैक्चरिंग यूनिट राजस्थान के भीलवाड़ा में लगभग 49,540 वर्ग मीटर में फैली हुई है। सोना सि​लेक्शन इंडिया के प्रमोटर हर्षिल नुवाल, सुभाष चंद्र नुवाल, उमा नुवाल, दीपांक भंडारी और सोना पॉलीस्पिन प्राइवेट लिमिटेड हैं।

कैसे इस्तेमाल होंगे IPO के पैसे

कंपनी अपने पब्लिक इश्यू से हुई कमाई का इस्तेमाल कर्ज चुकाने, मौजूदा मैन्युफैक्चरिंग फैसिलिटी के लिए प्लांट और मशीनरी खरीदने के लिए और आम कॉरपोरेट उद्देश्यों के लिए करेगी। इश्यू में 50 प्रतिशत हिस्सा क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स के लिए, 35 प्रतिशत हिस्सा रिटेल इनवेस्टर्स के लिए और 15 प्रतिशत हिस्सा नॉन इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स के लिए रिजर्व है।

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Sonaselection India की वित्तीय सेहत

वित्त वर्ष 2025-26 में सोना सिलेक्शन इंडिया का रेवेन्यू 64 प्रतिशत बढ़कर ₹517.60 करोड़ हो गया। शुद्ध मुनाफा 83 प्रतिशत की बढ़ोतरी के साथ ₹34 करोड़ रहा। इस बीच कंपनी पर ₹258.24 करोड़ की उधारी थी। एक साल पहले रेवेन्यू ₹316.47 करोड़ और शुद्ध मुनाफा ₹18.56 करोड़ दर्ज किया गया था।

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

SS Retail IPO: मोबाइल फोन रिटेल चेन का इश्यू 16 सितंबर से, जुटाए जाएंगे ₹500 करोड़; चेक करें प्राइस बैंड, लिस्टिंग डेट

SS रिटेल अपना ₹500.75 करोड़ का IPO ला रही है। यह 16 सितंबर को खुलने वाला है। इसमें ₹360.75 करोड़ के 85.08 लाख नए शेयर जारी होंगे। साथ ही ₹140 करोड़ के 33.02 लाख शेयरों का ऑफर फॉर सेल (OFS) रहेगा। OFS में कंपनी के प्रमोटर सिद्धार्थ गुणवंत शाह, दीपा सिद्धार्थ शाह, हर्षल किशोर पारेख, भाविनी हर्षल पारेख और शेयरहोल्डर राखी नरेंद्र फिरोदिया शेयरों को बिक्री के लिए रखेंगे।

IPO में एंकर निवेशक 15 सितंबर को बोली लगा सकेंगे। प्राइस बैंड ₹403-₹424 प्रति शेयर है। लॉट साइज 35 शेयर है। इश्यू की क्लोजिंग 18 सितंबर को होने वाली है। इसके बाद अलॉटमेंट 21 सितंबर को फाइनल होगा। कंपनी के शेयर NSE और BSE पर 23 सितंबर को लिस्ट होंगे।

IPO के लिए आनंद राठी एडवाइजर्स लिमिटेड और एमके ग्लोबल फाइनेंशियल सर्विसेज लिमिटेड बुक रनिंग लीड मैनेजर हैं। रजिस्ट्रार Kfin Technologies Ltd. है। IPO में 50 प्रतिशत हिस्सा क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स के लिए, 35 प्रतिशत हिस्सा रिटेल इनवेस्टर्स के लिए और 15 प्रतिशत हिस्सा नॉन इंस्टीट्यूशनल बायर्स के लिए रिजर्व है।

क्या करती है SS Retail

कंपनी मोबाइल फोन, एक्सेसरीज और दूसरे इलेक्ट्रॉनिक सामान बेचने वाली एक मल्टी-ब्रांड रिटेल चेन है। यह महाराष्ट्र, कर्नाटक, मध्य प्रदेश, गोवा और गुजरात में काम करती है। इसका फोकस मुख्य रूप से टियर II, टियर III और उससे छोटे शहरों पर है। कंपनी अपने खुद के ब्रांड SS Mobile, Mobile Exchange Wala और The Mobile Space के तहत स्टोर चलाती है।

कंपनी खुद के स्टोर और फ्रेंचाइजी वाले स्टोर, दोनों तरह के मॉडल के तहत काम करती है। इसके प्रोडक्ट्स में मोबाइल फोन, पहले इस्तेमाल किए जा चुके स्मार्टफोन, एक्सेसरीज, टेलीविजन, लैपटॉप और टैबलेट शामिल हैं। साथ ही यह मोबाइल प्रोटेक्शन प्लान, EMI सुविधा, एंटी-थेफ्ट सॉफ्टवेयर और मोबाइल रिचार्ज जैसी सर्विसेज भी देती है।

SS Retail का वित्त वर्ष 2025-26 में रेवेन्यू 47 प्रतिशत बढ़कर ₹2,352.85 करोड़ रहा। शुद्ध मुनाफा 49 प्रतिशत की बढ़ोतरी के साथ ₹59.28 करोड़ दर्ज किया गया। इस बीच कंपनी पर ₹162.59 करोड़ की उधारी थी। एक साल पहले रेवेन्यू ₹1,599.96 करोड़ और शुद्ध मुनाफा ₹39.86 करोड़ रहा था।

IPO के पैसे कैसे होंगे इस्तेमाल

SS रिटेल अपने पब्लिक इश्यू में नए शेयरों को जारी कर होने वाली कमाई का इस्तेमाल वित्त वर्ष 2027 और 2028 के दौरान नए स्टोर्स खोलने के लिए ‘फिट-आउट’ (सजावट और जरूरी साजो-सामान) को लेकर, वर्किंग कैपिटल जरूरतों को पूरा करने के लिए और आम कॉरपोरेट उद्देश्यों के लिए करेगी।

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Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।