Siddhant Chaturvedi: सिद्धांत चतुर्वेदी ने खरीदा 12.63 करोड़ रुपये का अपार्टमेंट, कुछ वीक पहले भी 13.91 करोड़ की प्रॉर्पटी में कर चुके हैं इनवेस्ट

Siddhant Chaturvedi: खबरों के मुताबिक सिद्धांत चतुर्वेदी ने मुंबई में अपनी प्रॉपर्टी के कलेक्शन में एक और लग्ज़री अपार्टमेंट शामिल किया है। यह खरीदारी उन्होंने अपनी मां के साथ एक और महंगी चीज़ खरीदने के कुछ हफ़्ते बाद ही की है।

रियल एस्टेट कंसल्टेंसी फर्म ‘लियासेस फोरस’ (Liases Foras) को मिले प्रॉपर्टी रजिस्ट्रेशन डॉक्यूमेंट्स के अनुसार, सिद्धांत और उनकी मां मीनल लक्ष्मण चतुर्वेदी ने मुंबई के विले पार्ले वेस्ट में 12.63 करोड़ रुपये में एक अपार्टमेंट खरीदा है। यह डील 31 जुलाई, 2026 को रजिस्टर हुई थी।

यह अपार्टमेंट विले पार्ले वेस्ट में 10 N S रोड पर स्थित ‘नमो कृष्णा’ नाम की एक रिहायशी इमारत की सातवीं मंज़िल पर है। इस घर का RERA कारपेट एरिया 1,640.63 स्क्वायर फ़ीट है, जबकि इसका कुल एरिया 1,804.67 स्क्वायर फ़ीट है। इस प्रॉपर्टी के साथ ऑटोमैटिक रोबोटिक कार पार्किंग की सुविधा भी मिलती है। सिद्धांत और मीनल ने यह अपार्टमेंट रेलकॉन इंफ्राप्रोजेक्ट्स लिमिटेड से खरीदा और स्टैम्प ड्यूटी के तौर पर 75.76 लाख रुपये का भुगतान किया।

इस हालिया खरीद की दिलचस्प बात यह है कि ‘गली बॉय’ एक्टर ने कुछ हफ़्ते पहले ही इसी इमारत में एक और अपार्टमेंट खरीदा था। 19 जून, 2026 को एक्टर और उनकी माँ ने 13.91 करोड़ रुपये में छठी मंज़िल पर एक अपार्टमेंट खरीदा। इस प्रॉपर्टी का कारपेट एरिया 2,173.87 स्क्वायर फ़ीट और बिल्ट-अप एरिया 222.24 स्क्वायर मीटर है। इसे सुचिता रमेश देवरा से ‘एग्रीमेंट फ़ॉर सेल’ (बिक्री के समझौते) के ज़रिए खरीदा गया था।

इस नई खरीद के साथ, सिद्धांत और उनकी मां ने दो महीने से भी कम समय में एक ही बिल्डिंग में दो अपार्टमेंट पर 26.5 करोड़ रुपये से ज़्यादा खर्च कर दिए हैं। सिद्धांत चतुर्वेदी ने सबसे पहले अमेज़न प्राइम वीडियो सीरीज़ ‘इनसाइड एज’ (2017–19) में एक टीनएज क्रिकेटर का रोल निभाया था।

इसके बाद उन्होंने म्यूज़िकल ड्रामा ‘गली बॉय’ (2019) में एक स्ट्रीट रैपर के सपोर्टिंग रोल के साथ फ़िल्मों में कदम रखा। अगले कुछ सालों में, चतुर्वेदी ने लीड रोल करने शुरू किए। कमर्शियल तौर पर कुछ मुश्किल दौर के बाद, उन्हें रोमांटिक ड्रामा ‘गहराइयां’ (2022) और ‘खो गए हम कहां’ (2023) जैसी स्ट्रीमिंग फ़िल्मों से सफलता मिली।

Kiara Advani: बोल्ड सीन्स विवाद के बाद पहली बार प्रमोशन में दिखेंगी कियारा आडवाणी, ‘टॉक्सिक’ ट्रेलर इवेंट में होंगी शामिल

Kiara Advani: कियारा आडवाणी ने शनिवार सुबह अपनी आने वाली फ़िल्म ‘Toxic: A Fairy Tale For Grown-Ups’ के हाल ही में रिलीज़ हुए गाने ‘तबाही’ को लेकर चल रही चर्चा के बीच पहली बार लोगों के सामने उपस्थिति दर्ज कराई। एक्ट्रेस को बेंगलुरु पहुंचते समय पैपराज़ी ने देखा, जहां आज बाद में उनकी फ़िल्म का ट्रेलर रिलीज़ किया जाएगा।

सोशल मीडिया पर सामने आए एक वीडियो में, कियारा एयरपोर्ट से बाहर निकलते समय ऑल-डेनिम लुक में बेहद खूबसूरत लग रही थीं। उन्हें फ़ैन्स के साथ सेल्फ़ी लेते और पैपराज़ी के लिए पोज़ देते हुए भी देखा गया। कियारा के साथ फ़िल्म की डायरेक्टर गीतू मोहनदास भी मौजूद थीं।

‘तबाही’ के रिलीज़ से छिड़ी बहस

‘टॉक्सिक’ फ़िल्म के गाने ‘तबाही’ के रिलीज़ होने के बाद, कियारा आडवाणी को यश के साथ अपने इंटीमेट सीन्स को लेकर सोशल मीडिया यूज़र्स के एक वर्ग की आलोचना का सामना करना पड़ा। धीरे-धीरे बातचीत सिर्फ़ गाने से आगे बढ़कर कियारा की पर्सनल लाइफ़ तक पहुंच गई। ट्रोल करने वालों ने उनके पति सिद्धार्थ मल्होत्रा ​​की सोशल मीडिया पोस्ट पर भी कमेंट करना शुरू कर दिया और फ़िल्म को उनकी शादी से जोड़ने लगे।

वहीं, यश, जो खुद भी शादीशुदा हैं, की तुलनात्मक रूप से कम आलोचना हुई। इससे ऑनलाइन यह बहस छिड़ गई कि क्या ऑन-स्क्रीन एक जैसी परफ़ॉर्मेंस के लिए महिला एक्टर्स को पुरुष एक्टर्स की तुलना में ज़्यादा सख़्ती से आंका जाता है।

हालांकि, इस चर्चा के बीच, हुमा कुरैशी – जो खुद भी ‘टॉक्सिक’ का हिस्सा हैं – ने हाल ही में कियारा का बचाव किया और कहा, “यह बहुत बुरा है। यह वाकई घिनौना है। लेकिन मुझे लगता है कि इस फ़िल्म में शामिल महिलाएं – यानी एक्ट्रेस और डायरेक्टर – ही अंत में बाज़ी मारेंगी। किसी चीज़ का बचाव करने की कोशिश करने का कोई फ़ायदा नहीं है, क्योंकि आप बातों से लोगों की सोच नहीं बदल सकते। मैं बस फ़िल्म को ही अपनी बात कहने दूंगी।”

कियारा, यश और हुमा के अलावा, ‘टॉक्सिक’ में नयनतारा, तारा सुतारिया और रुक्मिणी वसंत भी हैं। यह फ़िल्म 26 अगस्त को सिनेमाघरों में रिलीज़ होने वाली है।

Ramayana: ग्लोबल रिलीज के दो दिन बाद भारत में दिखाई जाएगी ‘रामायणम्’? प्रोड्यूसर नमित मल्होत्रा ​​का बड़ा खुलासा

Ramayana: नितेश तिवारी की ‘रामायण’ का इंग्लिश ट्रेलर इस हफ्ते की शुरुआत में रिलीज हुआ, जबकि भारतीय भाषाओं में इसके ट्रेलर कुछ दिन पहले ही आ चुके थे। इंग्लिश-डब ट्रेलर में पहली बार फ़िल्म की रिलीज़ की सही तारीख बताई गई- 6 नवंबर। अब तक मेकर्स ने कहा था कि फ़िल्म दिवाली पर रिलीज़ होगी, लेकिन कोई पक्की तारीख नहीं बताई थी। हालांकि, प्रोड्यूसर नमित मल्होत्रा ​​ने अब इशारा किया है कि फ़िल्म दुनिया भर में अलग-अलग समय पर रिलीज़ हो सकती है। रणबीर कपूर और यश स्टारर यह फ़िल्म अपनी ग्लोबल रिलीज़ के दो दिन बाद भारत में रिलीज़ हो सकती है।

रामायणम् की रिलीज डेट के बारे में जानकारी

मुंबई में दादा साहब फाल्के चित्रनगरी में अपने ‘प्राइम फोकस स्टूडियो – फेज़ 1’ के उद्घाटन के मौके पर नमित मल्होत्रा ​​ने NDTV से बात की। उन्होंने फिर से कहा, “यह (रामायण) भारत में दिवाली पर रिलीज़ होगी।” इस साल दिवाली 8 नवंबर को है, जो फिल्म की तय ग्लोबल रिलीज़ के दो दिन बाद है। जब उनसे इन दो तारीखों को लेकर कन्फ्यूजन के बारे में पूछा गया, तो नमित ने कहा, “हम इसे इंटरनेशनल लेवल पर (6 नवंबर को) रिलीज कर रहे हैं क्योंकि इंटरनेशनल डिस्ट्रीब्यूशन शुक्रवार के हिसाब से काम करता है, जो 6 नवंबर है। लेकिन भारत में, अभी हम दिवाली पर रिलीज़ करने का प्लान बना रहे हैं।”

मौजूदा स्थिति के अनुसार, ‘रामायण पार्ट वन’ दुनिया भर में शुक्रवार, 6 नवंबर को रिलीज़ हो सकती है और इसके दो दिन बाद रविवार को भारत में बड़े पैमाने पर रिलीज़ हो सकती है, जिस दिन दिवाली भी है।

रामायणम् के ट्रेलर पर नमित मल्होत्रा ​​की प्रतिक्रिया

रामायण के ट्रेलर ने ऑनलाइन काफी चर्चा बटोरी है और हर तरफ से इस पर प्रतिक्रियाएं आ रही हैं। इस बारे में बात करते हुए नमित ने ANI को बताया, “ट्रेलर पिछले हफ्ते रिलीज हुआ था और मुझे लगता है कि इसने पांच दिनों में एक अरब से ज्यादा व्यूज हासिल कर लिए, जो भारत के लिए एक शानदार पल है। दुनिया भर के लोगों से हमें जो प्यार मिला है, मैं सच में उसकी सराहना करता हूं। अब हमारी कोशिश इसे दुनिया भर में ले जाने की है, जैसा कि हम सोनी पिक्चर्स के साथ अपनी साझेदारी के जरिए कर रहे हैं। हम यह सुनिश्चित करने की उम्मीद कर रहे हैं कि रामायण अब एक बड़ी ग्लोबल फिल्म के तौर पर रिलीज हो।”

रामायणम् के बारे में

नितेश तिवारी के निर्देशन में बनी रामायण, वाल्मीकि के महाकाव्य का दो-भागों वाला रूपांतरण है। फिल्म में रणबीर कपूर भगवान राम की भूमिका में हैं, यश रावण के रोल में हैं और साई पल्लवी सीता के किरदार में हैं। इनके अलावा, फिल्म में रवि दुबे, सनी देओल, अरुण गोविल, लारा दत्ता, रकुल प्रीत सिंह, विवेक ओबेरॉय और कुणाल कपूर जैसे कई कलाकार शामिल हैं। पहला भाग इस साल नवंबर में रिलीज होगा, जबकि दूसरा भाग अगले साल दिवाली से पहले रिलीज होने वाला है।

Delhi Power Cut: 6 अगस्त को दिल्ली के कई इलाकों में बिजली रहेगी गुल, जानें टाइमिंग और प्रभावित क्षेत्र

Delhi Power Cut: दिल्ली के लोगों को मंगलवार, 6 अगस्त को कुछ इलाकों में होने वाली निर्धारित बिजली कटौती के लिए तैयार रहना होगा। ऐसा इसलिए क्योंकि शहर में बिजली व्यवस्था को बेहतर और सुचारू बनाए रखने के लिए प्रमुख बिजली वितरण कंपनियां (DISCOMs) मेंटेनेंस का काम करेंगी। इस वजह से दिल्ली के कुछ रिहायशी और कमर्शियल इलाकों में सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक बिजली आपूर्ति प्रभावित हो सकती है। ऐसे में लोगों को सलाह दी गई है कि वे अपने इलाके में बिजली कटौती की जानकारी पहले से ले लें, ताकि दिनभर के कामकाज में अचानक परेशानी न हो।

BSES और टाटा पावर ने जारी किया नोटिस, इन इलाकों में प्रभावित हो सकती है बिजली सप्लाई

दिल्ली में बिजली व्यवस्था को बेहतर बनाए रखने के लिए BSES राजधानी पावर लिमिटेड (BRPL) और टाटा पावर दिल्ली डिस्ट्रीब्यूशन लिमिटेड (TPDDL) ने बिजली कटौती को लेकर नोटिस जारी किया है।

बिजली कटौती का असर खासतौर पर दक्षिण दिल्ली, द्वारका और उत्तर दिल्ली के कुछ इलाकों में पड़ सकता है। बिजली कंपनियों की टीमें इस दौरान ट्रांसफॉर्मर की मरम्मत और अपग्रेड करने के साथ-साथ बिजली की ऊपर से गुजरने वाली लाइनों के पास मौजूद पेड़ों की शाखाओं की सफाई करेंगी।

लोगों को सलाह दी गई है कि वे अपने रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर आने वाले SMS अलर्ट जरूर चेक करें। इससे उनके इलाके में बिजली कटौती का सही समय पता चल जाएगा।

6 अगस्त को दिल्ली में बिजली कटौती से प्रभावित इलाके और समय

बिजली कंपनी (DISCOM)प्रभावित इलाकेबिजली कटौती का समय
TPDDLपीतमपुरा, रोहिणी, रिठालासुबह 10:00 बजे से शाम 04:00 बजे तक
BRPLद्वारका, साकेत, लाजपत नगरसुबह 09:00 बजे से शाम 05:00 बजे तक
BYPLलक्ष्मी नगर, दिलशाद गार्डनसुबह 10:00 बजे से दोपहर 03:00 बजे तक

 

बता दें कि ग्राहकों को लंबे समय तक होने वाली परेशानी को कम करने के लिए मेंटेनेंस का काम तय समय पर किया जा रहा है। वेस्ट दिल्ली और रोहिणी में ज्यादातर काम दोपहर की शुरुआत तक पूरा हो जाएगा। हालांकि, साउथ दिल्ली के कुछ इलाकों में रुक-रुक कर बिजली जा सकती है और इसमें छह घंटे तक लग सकते हैं। वहीं, बिजली कंपनियों का कहना है कि अगस्त में ज्यादा नमी और उमस के कारण ट्रांसफॉर्मर पर दबाव बढ़ जाता है। ऐसे में पहले से मेंटेनेंस करने से अचानक ट्रांसफॉर्मर खराब होने और बड़े बिजली संकट से बचने में मदद मिलेगी।

दिल्ली में बिजली कटौती का स्टेटस कैसे चेक करें

अगर आपके इलाके में बिजली कटौती हो रही है या होने वाली है, तो आप इसकी जानकारी आसानी से ले सकते हैं। इसके लिए आप 1912 हेल्पलाइन नंबर पर कॉल करके तुरंत अपडेट पा सकते हैं। अपना कंज्यूमर अकाउंट (CA) नंबर बताकर आप पता कर सकते हैं कि आपके इलाके की बिजली लाइन या फीडर प्रभावित है या नहीं।

इसके अलावा, BSES और टाटा पावर के मोबाइल ऐप पर भी बिजली सप्लाई बंद होने और दोबारा शुरू होने (रिस्टोरेशन) की जानकारी देखी जा सकती है।

बिजली कटौती की जानकारी पहले से होने पर आप अपने जरूरी कामों की बेहतर योजना बना सकते हैं। खासतौर पर वर्क फ्रॉम होम (WFH) करने वालों और पानी की मोटर चलाने जैसे जरूरी कामों में परेशानी से बचा जा सकता है।

बिजली कटौती से पहले ऐसे करें तैयारी

अगर आपके इलाके में बिजली कटौती होने वाली है, तो पहले से तैयारी कर लेना बेहतर रहेगा। मेंटेनेंस शुरू होने से पहले अपने मोबाइल, लैपटॉप और दूसरे इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों को चार्ज कर लें। साथ ही, बिजली जाने से पहले पानी की टंकी भरकर रख लें, ताकि बाद में परेशानी न हो।

लोगों को सलाह दी गई है कि बिजली बंद होने के तय समय से करीब 10 मिनट पहले लिफ्ट का इस्तेमाल करने से बचें, ताकि अचानक बिजली जाने पर लिफ्ट में फंसने जैसी स्थिति न बने।

बिजली कंपनियों का कहना है कि ये मेंटेनेंस कार्य लंबे समय में दिल्ली के लोगों को बेहतर और भरोसेमंद बिजली सप्लाई देने में मदद करेंगे। इससे बिजली लाइनों में आने वाली खराबियों और अचानक होने वाली कटौती को कम किया जा सकेगा।

यह भी पढ़ें: President Special Train: एक ट्रेन आगे, एक पीछे.. साथ में अल्ट्रा-लग्जरी प्राइवेट सलून! जानिए कैसी होती है ‘प्रेसिडेंट स्पेशल’ ट्रेन जिसमें राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने की यात्रा

दतिया में हार के बाद बड़े एक्शन की तैयारी में भाजपा, जिला अध्यक्ष सहित पूरी कार्यकारिणी पर गिर सकती है गाज

भोपाल। दतिया विधानसभा चुनाव में भाजपा की हार के बाद अब पार्टी के अंदर ही सवाल उठने लगे है। पार्टी में हाशिए पर चले रहे नेताओं ने अब पार्टी के फैसलों के खिलाफ सवाल उठाना शुरु कर दिया है। पूर्व मंत्री यशोधरा राजे सिंधिया ने दतिया और बांकीपुर में भाजपा की हार के बाद सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स लिखा…आत्ममंथन का समय। इसके साथ 

वहीं दतिया में कांग्रेस की जीत के बाद प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को एक पत्र लिखा है। उन्होंने लिखा कि दतिया के जनादेश से यह साफ हो गया है कि जनता अब झूठे वादों की बजाय पारदर्शिता, उत्तरदायित्व और ठोस परिणाम चाहती है। पटवारी ने प्रदेश की बुनियादी चुनौतियों पर सरकार से श्र्वेत पत्र जारी करने की मांग की है।  

हार पर भाजपा की समीक्षा, बड़े एक्शन की तैयारी-दतिया विधानसभा चुनाव में हार के बाद अब भाजपा बड़े एक्शन की तैयारी में है। हार के कारणों की समीक्षा को लेकर मंगलवार को मुख्यमंत्री डॉ.मोहन यादव और प्रदेश भाजपा अध्यक्ष हेमंत खंडलेवाल के नेतृत्व में मुख्यमंत्री निवास पर हुई बैठक में हार के कारणों की विस्तार से समीक्षा की गई। बैठक में भाजपा के चुनाव प्रभारी और सांसद  भारत सिंह कुशवाह, प्रत्याशी आशुतोष तिवारी सहित वह सभी मंत्री भी शामिल हुए जिन्हें भाजपा ने दतिया में विभिन्न मंडलों को जिताने की जिम्मेदारी सौंपी थी।

पार्टी सूत्रों के साथ बैठक में उपचुनाव में भाजपा जिला अध्यक्ष रघुवीर कुशवाहा सहित भाजपा के जिला पदाधिकारियों, पार्षदों की भूमिका की विस्तार से समीक्षा की गई। बताया  जा  रहा है कि बैठक में शामिल दतिया विधानसभा चुनाव से जुड़े सभी नेताओं ने हार की मुख्य वजह भितरघात को बताया। इसके साथ बैठक में पार्टी की चुनावी रणनीति और चुनावी मैनेजमेंट को लेकर भी सवाल उठाया गया।

इसके साथ वोटिंग के ठीक पहले पार्षद कल्लू कुशवाह के हत्याकांड की सीआईडी जांच को लेकर उसकी पत्नी के वायरल किए गए वीडियो और वोंटिग के दिन भाजपा जिला अध्यक्ष रघुवीर कुशवाह को निष्कासन के फर्जी वायरल पत्र के चुनाव पर प़ड़े प्रभाव की समीक्षा की गई।

भितरघात भाजपा की हार की मुख्य वजह-दतिया विधानसभा चुनाव में बीजेपी की हार का बड़ा कारण पार्टी में जमकर भितरघात होना रहा। बीजेपी के केंद्रीय नेतृत्व द्वारा उपचुनाव में नरोत्तम मिश्रा का टिकट काटने के बाद दतिया की सड़कों पर जिस तरह से उनके समर्थकों ने बवाल काटा, उसने उपचुनाव में बीजेपी की हार की पूरी भूमिका तैयार कर दी थी। इसके बाद बीजेपी उम्मीदवार आशुतोष तिवारी की नामांकन रैली में जिस तरह से मंच पर नरोत्तम मिश्रा रोएं और पूरे चुनाव प्रचार के दौरान नरोत्तम मिश्रा ने जिस तरह से टिकट कटने को लेकर पार्टी नेतृ्व्य पर इशारों ही इशारों में सवाल उठाए, उसका खामियाजा पार्टी को चुनाव में उठाना पड़ा।

चुनाव परिणाम के नतीजे बताते हैं कि बीजेपी को नरोत्तम मिश्रा के पोलिंग बूथ के साथ दतिया भाजपा जिला अध्यक्ष रघुवीर कुशवाह के पोलिंग बूथ पर भी कांग्रेस के हाथों हार का सामना करना पड़ा, यह इस बात का साफ इशारा है कि चुनाव में बीजेपी प्रत्याशी आशुतोष तिवारी के खिलाफ जमकर भितरघात हुआ।

दतिया से खुलकर टिकट की दावेदारी करने वाले नरोत्तम मिश्रा के रोने का वीडियो जिस तरह से वोटिंग के ठीक पहले सोशल मीडिया पर उनके समर्थकों के द्वारा वायरल किया गया और चुनाव में ‘बीजेपी को सबक सिखाने’ और ‘दादा के आंसुओं का बदला लेने’ के कमेंट किए गए उसने चुनाव में बीजेपी को हराने का काम किया। 

दतिया में पूरे चुनाव प्रचार के दौरान नरोत्तम मिश्रा के समर्थकों के साथ बीजेपी के जिला पदाधिकारी अलग-थलग दिखाई पड़े और उन्होंने एक तरह से पार्टी के अधिकृत प्रत्याशी आशुतोष तिवारी के विरोध में काम किया और अपने घर बैठ गए। दतिया बीजेपी जिला कार्यकारिणी के पदाधिकारी के साथ बीजेपी के पार्षद एक तरह से पूरे चुनाव प्रचार के दौरान नदारद रहे। 

मानसून में सिर्फ मच्छर ही नहीं, सांपों से भी रहें सतर्क! अपनाएं ये उपाय

मानसून के बाद सांप काटने के मामलों में तेजी से बढ़ोतरी दर्ज की गई है। हेल्थ डिपार्टमेंट के मुताबिक, पिछले दिनों में जहरीले सांप के काटने के कई मामले सामने आए हैं, जिनमें कुछ लोगों की मौत भी हो चुकी है। लगातार बढ़ते मामलों ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। बारिश के कारण सांप अपने बिल छोड़कर रिहायशी इलाकों की ओर आ रहे हैं और कई बार घरों, भूसे के ढेर, गोहालों या झाड़ियों में छिप जाते हैं, ऐसे में आप मानसून के दौरान सांपों से बचाव के लिए यहां दिए गए आसान और जरूरी उपाय अपना सकते है:

घर के आसपास सफाई रखें (Maintain Regular Cleanliness)

भारत के ये 5 शानदार सांप पार्क, जहां देखने को मिलती हैं कई विषैले सांपों की प्रजातियां

मानसून में सांप अक्सर ऐसी जगहों पर छिपते हैं जहां झाड़ियां, लंबी घास, लकड़ी, ईंट, भूसा या कबाड़ जमा हो। इसलिए घर के आसपास की साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखें। समय-समय पर झाड़ियों की कटाई करें और बेकार सामान हटाते रहें, ताकि सांपों को छिपने की जगह न मिले।

दीवारों की दरारें बंद करें (Seal Cracks and Gaps)

अगर घर की दीवार, फर्श, आंगन या स्टोर रूम में कहीं बिल, दरार या छेद दिखाई दे, तो उसे सीमेंट, मिट्टी या मटेरियल से बंद कर दें। इससे सांपों के घर के अंदर आने की संभावना काफी कम हो जाती है। खासकर बरसात के मौसम में घर की रेगुलर इंस्पेक्शन करना जरूरी है।

रात में टॉर्च का इस्तेमाल करें (Use a Torch at Night)

बारिश के मौसम में सांप रात के समय ज्यादा एक्टिव रहते हैं। इसलिए अंधेरे में बाहर निकलते समय हमेशा टॉर्च का यूज करें। खेत, बगीचे, गोहाल या घर के आसपास कभी भी नंगे पैर न चलें। मजबूत जूते और पूरी लंबाई वाले कपड़े पहनने से सांप के काटने का खतरा कम हो सकता है।

सांप से सुरक्षित दूरी रखें (Safe Distance from Snakes)

अगर घर या आसपास सांप दिखाई दे, तो घबराएं नहीं और उसे मारने या पकड़ने की कोशिश बिल्कुल न करें। सही दूरी बनाए रखें और तुरंत वन विभाग , स्थानीय प्रशासन या प्रशिक्षित स्नेक रेस्क्यू टीम को सूचना दें। ऐसा करने से आपकी और सांप दोनों की सेफ्टी बनी रहती है।

 परिवार को जागरूक रखें (Family Awareness)

मानसून के दौरान बच्चों और परिवार के सभी मेंबर को सांपों से जुड़ी जरूरी सावधानियों के बारे में बताएं। उन्हें समझाएं कि झाड़ियों, लकड़ी या भूसे के ढेर में हाथ डालने से पहले सावधानी बरतें और सांप दिखाई देने पर उससे दूर रहें। साथ ही यह भी याद रखें कि अगर किसी को सांप काट ले, तो घरेलू नुस्खों पर भरोसा करने की बजाय तुरंत नजदीकी अस्पताल पहुंचें, क्योंकि समय पर इलाज ही जान बचाने का सबसे सेफ तरीका है।

खिड़कियां और दरवाजें बंद (Secure Doors and Windows)

मानसून के दौरान रात में सांप खुले दरवाजों, खिड़कियों या नालियों के रास्ते घर में घुस सकते हैं। इसलिए दरवाजे हमेशा बंद रखें, खिड़कियों पर जाली लगवाएं और पानी निकासी वाली नालियों को भी सुरक्षित रखें। इससे सांपों के घर में आने का खतरा कम हो सकता है।

खाने-पीने की चीजें और कचरा (Keep Food and Garbage Covered)

घर के आसपास कचरा, बचा हुआ खाना या अनाज खुला रखने से चूहे आने लगते हैं, और जहां चूहे होते हैं वहां सांपों के आने की संभावना भी बढ़ जाती है। इसलिए कूड़ेदान को ढककर रखें, अनाज को बंद डिब्बों में रखें और घर के आसपास सफाई बनाए रखें, ताकि सांपों को अट्रैक्ट करने वाली कंडीशन न बनें।

‘रामायणम्’ के ट्रेलर ने 4 दिनों में पार किए 800 मिलियन से ज्यादा व्यूज, मार्वल की ‘एवेंजर्स डूम्सडे’ के पहुंचा करीब

रामायण भारतीय सिनेमा के इतिहास की सबसे महत्वाकांक्षी और भव्य फिल्मों में से एक है। दो भागों में बनने वाली इस मेगा फिल्म का उद्देश्य आधुनिक तकनीक, विश्वस्तरीय कहानी और शानदार स्टारकास्ट के साथ इस कालजयी महाकाव्य को पहले कभी न देखे गए स्तर पर दर्शकों के सामने पेश करना है।

दुनियाभर के दर्शक इस फिल्म की पहली झलक का बेसब्री से इंतज़ार कर रहे थे और ट्रेलर रिलीज़ होते ही इसने सभी उम्मीदों से बढ़कर प्रभाव छोड़ा। ट्रेलर को दुनियाभर में जबरदस्त प्रतिक्रिया मिली और इसकी गूंज भारत ही नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी सुनाई दी। व्यूअरशिप के मामले में रामायण का ट्रेलर अब मार्वल की स्पाइडर-मैन: ब्रांड न्यू डे और एवेंजर्स: डूम्सडे जैसी वैश्विक फिल्मों के ट्रेलर्स के बराबर खड़ा नजर आ रहा है।

जी हां, रामायण ने वह उपलब्धि हासिल की है जो आज तक किसी भारतीय फिल्म ने नहीं की। मार्वल की स्पाइडर-मैन: ब्रांड न्यू डे के ट्रेलर को 1.1 बिलियन और एवेंजर्स: डूम्सडे के ट्रेलर को 936 मिलियन व्यूज़ मिले हैं, वहीं रामायण के ट्रेलर ने रिलीज़ के सिर्फ चार दिनों में सभी प्लेटफॉर्म्स पर 800 मिलियन से अधिक व्यूज़ हासिल कर लिए हैं। फिल्म के बारे में अब तक बहुत कम जानकारी सामने आई है, लेकिन केवल ट्रेलर ने ही वैश्विक स्तर पर जबरदस्त प्रभाव छोड़ते हुए यह संकेत दे दिया है कि यह फिल्म अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नए कीर्तिमान स्थापित करने के लिए तैयार है।

दुनिया की सबसे महान कहानियों में से एक रामायण को आधार बनाकर निर्देशक नितेश तिवारी इस महाकाव्य की भावनाओं और भव्यता को अभूतपूर्व स्तर पर बड़े पर्दे पर जीवंत करने जा रहे हैं। फिल्म में रणबीर कपूर भगवान श्रीराम की भूमिका निभा रहे हैं, जबकि साई पल्लवी माता सीता के किरदार में नजर आएंगी। यश शक्तिशाली रावण की भूमिका निभा रहे हैं। वहीं सनी देओल अजेय हनुमान और रवि दुबे लक्ष्मण के किरदार में दिखाई देंगे।

नितेश तिवारी के निर्देशन में बनी इस फिल्म का निर्माण नमित मल्होत्रा के प्राइम फोकस स्टूडियोज़ ने आठ बार ऑस्कर विजेता डीएनईजी और यश की मॉन्स्टर माइंड क्रिएशंस के सहयोग से किया है। यह दो भागों में दुनियाभर के आईमैक्स सिनेमाघरों में रिलीज़ होगी। पहला भाग दिवाली 2026 में और दूसरा भाग दिवाली 2027 में सिनेमाघरों में आएगा।

बृजभूषण सिंह के बरी होने पर खफा हुई विनेश, करेंगी फैसले के खिलाफ अपील

कुछ सालों पहले बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ यौन शोषण का आरोप लगाकर प्रदर्शन की अगुआ बनी विश्व चैंपियशिप पदक विजेता पहलवान विनेश फोगाट ने आज जब भारतीय कुश्ती महासंघ (WFI) के पूर्व प्रमुख को अदालत से बाइज्जत बरी होते देखा तो उनका रोष ट्वीट के रूप में सामने आ गया।

दिल्ली की एक अदालत ने सोमवार को महिला पहलवानों द्वारा दायर यौन उत्पीड़न मामले में सिंह और सह आरोपी विनोद तोमर को बरी कर दिया।अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट अश्विनी पंवार ने भाजपा के पूर्व सांसद सिंह और डब्ल्यूएफआई के पूर्व सहायक सचिव तोमर को इस मामले में बरी किया।

विनेश ने एक्स पर पोस्ट किया, ‘‘महिला पहलवानों ने अपने वकीलों को इस फैसले के खिलाफ अपील करने का निर्देश दिया है, और अपील जल्द से जल्द दायर की जाएगी। हमने उम्मीद नहीं छोड़ी है और पहलवान अपना संघर्ष जारी रखेंगे।’’ उन्होंने सरकार पर सिंह को ‘संरक्षण’ देने का आरोप लगाया और कहा कि उन्होंने ‘‘कई लड़कियों को धमकाकर उनके नाम वापस लेने के लिए मजबूर किया।’’

विनेश ने कहा, ‘‘हमें बहुत दुख है कि अदालत ने महिला पहलवानों द्वारा लगाए गए यौन हिंसा के आरोपों में बृजभूषण शरण सिंह को दोषी नहीं पाया। शुरू से ही पूरा प्रशासन, सरकार और व्यवस्था बृजभूषण को बचाने में लगी हुई है।’’

उन्होंने कहा, ‘‘हमें सड़कों पर उतरकर सत्तारूढ़ पार्टी के एक शक्तिशाली नेता के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के लिए बहुत साहस जुटाना पड़ा। बृजभूषण ने अपने प्रभाव और राजनीतिक शक्ति का इस्तेमाल करते हुए कई लड़कियों को धमकाकर उनके नाम वापस लेने पर मजबूर किया। लेकिन कई महिला पहलवानों ने दृढ़ रवैया अपनाया और बृजभूषण के खिलाफ अदालत में लड़ाई जारी रखी।’’

जेलेंस्की ने अमेरिका और यूरोपीय देशों से पैट्रियट मिसाइलें मांगी:बोले- यूक्रेन भेजो, गोदामों में न रखो; रूस के हमले में 9 की मौत

रूस के ताजा मिसाइल और ड्रोन हमलों के बाद यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने अमेरिका और यूरोपीय देशों से तुरंत पैट्रियट एयर डिफेंस सिस्टम के इंटरसेप्टर मिसाइल भेजने की अपील की है। उन्होंने कहा कि ये मिसाइलें लोगों की जान बचाने के लिए हैं, इसलिए इन्हें गोदामों में रखने के बजाय यूक्रेन भेजा जाना चाहिए। रूस ने शनिवार रात कीव समेत कई शहरों पर बड़े पैमाने पर हमला किया था। यूक्रेनी अधिकारियों के मुताबिक हमले में 9 लोगों की मौत हुई, जबकि करीब 40 लोग घायल हुए हैं। जेलेंस्की बोले- पैट्रियट नहीं, इसलिए सिर्फ एक मिसाइल रोक पाए जेलेंस्की ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कहा कि रूस ने रातभर में 35 मिसाइलें, जिनमें 27 बैलिस्टिक मिसाइलें थीं, और करीब 185-190 ड्रोन दागे। इनमें से यूक्रेन केवल एक बैलिस्टिक मिसाइल को ही रोक सका, क्योंकि पैट्रियट सिस्टम के लिए इंटरसेप्टर मिसाइलों का भंडार लगभग खत्म हो चुका है। उन्होंने कहा, “अमेरिका और यूरोप जानते हैं कि हमें क्या चाहिए। अब केवल राजनीतिक फैसला लेने की जरूरत है। बैलिस्टिक रोधी मिसाइलें लोगों की रक्षा करें, गोदामों में न पड़ी रहें। हर दिन की देरी रूस को हमारे लोगों की जान लेने का एक और मौका देती है।” जेलेंस्की बोले- रूस नई रणनीति अपना रहा, नए प्रतिबंध लगाएं जेलेंस्की ने दावा किया कि रूस अब जेट इंजन से लैस शाहेद ड्रोन का अधिक इस्तेमाल कर रहा है और युद्ध लंबा खिंचने का फायदा उठाकर नई हमलावर रणनीतियां विकसित कर रहा है। उन्होंने अमेरिका और यूरोपीय सहयोगियों से रूस के मिसाइल, लॉन्चर और हथियार उद्योग से जुड़े लोगों और कंपनियों पर नए प्रतिबंध लगाने की भी अपील की। साथ ही कहा कि रूस के तेल शोधन और ईंधन क्षेत्र को मिलने वाली मदद रोकना भी जरूरी है, ताकि उसकी युद्ध क्षमता कमजोर हो सके। रूस बोला- सैन्य ठिकानों को बनाया निशाना रूसी रक्षा मंत्रालय ने दावा किया कि हमले में कीव स्थित यूक्रेन के सैन्य-औद्योगिक प्रतिष्ठानों और लॉजिस्टिक्स केंद्रों को निशाना बनाया गया। वहीं यूक्रेन का कहना है कि हमले में रिहायशी इलाके और नागरिक भी प्रभावित हुए। जेलेंस्की ने रक्षा मंत्री रुस्तम उमेरोव और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों के साथ अमेरिका के साथ होने वाली आगामी कूटनीतिक बातचीत की भी समीक्षा की। उन्होंने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि आने वाले दिनों में यूक्रेन को हथियारों और वायु रक्षा प्रणाली को लेकर सहयोगी देशों से ठोस समर्थन मिलेगा। पैट्रियट मिसाइल सिस्टम क्या है पैट्रियट अमेरिका का अत्याधुनिक एयर डिफेंस सिस्टम है, जिसे दुश्मन की बैलिस्टिक मिसाइल, क्रूज मिसाइल और लड़ाकू विमानों को हवा में ही मार गिराने के लिए बनाया गया है। इसकी सबसे बड़ी ताकत यह है कि यह बेहद कम समय में आने वाली बैलिस्टिक मिसाइलों को भी इंटरसेप्ट कर सकता है। इसी वजह से रूस के लगातार बढ़ते मिसाइल हमलों के बीच यह यूक्रेन की सबसे अहम सुरक्षा ढाल माना जाता है। पैट्रियट सिस्टम में लॉन्चर, रडार, कमांड सेंटर और इंटरसेप्टर मिसाइलें शामिल होती हैं। रडार पहले लक्ष्य की पहचान करता है, फिर कमांड सेंटर खतरे का आकलन कर इंटरसेप्टर मिसाइल दागता है, जो हवा में ही दुश्मन की मिसाइल को नष्ट कर देती है।

भोपाल में रिहायशी इलाकों में व्यावसायिक गतिविधियों पर सख्ती, नगर निगम ने शुरू की सीलिंग कार्रवाई, व्यापरियों में हड़कंप

भोपाल। राजधानी भोपाल के रिहायशी क्षेत्रों में नियमों के विपरीत संचालित व्यावसायिक प्रतिष्ठानों पर अब प्रशासन का शिकंजा कसने लगा है। सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के पालन में भोपाल नगर निगम ने अरेरा कॉलोनी के ई-1 से ई-5 सेक्टर सहित विभिन्न आवासीय क्षेत्रों में संचालित व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को सील करने की कार्रवाई शुरू कर दी है।

 

इसी के तहत भोपाल नगर निगम ने अरेरा कॉलोनी के ई-1 से ई-5 क्षेत्रों में करीब 20 प्रतिष्ठानों के विरुद्ध सीलिंग की प्रक्रिया शुरू कर दी है। नगर निगम के अनुसार, अब तक शहर में अरेरा कॉलोनी, रोहित नगर समेत विभिन्न इलाकों के 1,018 व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को नोटिस जारी किए जा चुके हैं। आवासीय क्षेत्रों में संचालित व्यावसायिक प्रतिष्ठानों के विरुद्ध नगर निगम भोपाल द्वारा कार्रवाई लगातार जारी है। सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुपालन में नगर निगम ऐसे भवनों पर कार्रवाई कर रहा है, जहां आवासीय उपयोग के लिए स्वीकृत परिसरों में व्यावसायिक गतिविधियां संचालित की जा रही हैं।

शनिवार को  शाहपुरा थाना क्षेत्र के रघुनाथ नगर, शाहपुरा थाना के पास स्थित एसके प्लाजा को नगर निगम भोपाल ने सील कर दिया है। नगर निगम द्वारा भवन पर चस्पा किए गए आदेश में उल्लेख है कि नगर निगम भोपाल के आदेशानुसार इस भवन में व्यावसायिक गतिविधियां बंद कर दी गई हैं।  इसके साथ ही भवन को सील कर दिया गया है। इस आवासीय भवन में शर्मा विष्णु फास्ट फूड सहित अन्य व्यावसायिक गतिविधियां प्रभावित हुई हैं। नगर निगम की इस कार्रवाई के बाद संबंधित प्रतिष्ठानों का संचालन बंद करा दिया गया।

भोपाल में नगर निगम के अधिकारियों का  कहना है कि आवासीय क्षेत्रों में नियमों के विपरीत संचालित व्यावसायिक गतिविधियों के विरुद्ध अभियान आगे भी जारी रहेगा। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि शहरी नियोजन एवं भवन उपयोग संबंधी नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

 

दरअसल सुप्रीम कोर्ट ने 8 मई को तमिलनाडु से जुड़े एक मामले की सुनवाई के दौरान देश के सभी राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों की राजधानियों में आवासीय क्षेत्रों के व्यावसायिक उपयोग के विरुद्ध कार्रवाई करने के निर्देश दिए थे। अदालत ने राज्य सरकारों से 4 अगस्त तक अनुपालन रिपोर्ट (एक्शन टेकन रिपोर्ट) प्रस्तुत करने को कहा है।

 

दूसरी ओर, व्यापारिक संगठनों ने इस कार्रवाई पर चिंता जताई है। भोपाल चैंबर ऑफ कॉमर्स के प्रवक्ता अजय देवनानी का कहना है कि वर्ष 2005 के बाद से भोपाल का नया मास्टर प्लान लागू नहीं हुआ है, जिससे कई व्यावहारिक समस्याएं उत्पन्न हुई हैं। उनका सुझाव है कि प्रशासन को गुजरात की तर्ज पर ऐसी व्यवस्था पर विचार करना चाहिए, जिसमें आवासीय क्षेत्रों में सीमित और नियमनबद्ध व्यावसायिक गतिविधियों की अनुमति दी जा सके। नगर निगम अधिकारियों के अनुसार, सीलिंग अभियान के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती की जा रही है। कार्रवाई के दायरे में मुख्य रूप से छोटी दुकानें, होटल, अस्पताल, बैंक तथा अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठान शामिल हैं।