8th Bada Mangal 2026: ज्येष्ठ माह हनुमान जी को अति प्रिय है। इस माह में उनकी पहली बार अपने आराध्य भगवान श्री राम से मुलाकात हुई थी। कुछ पौराणिक कथाओं के अनुसार, ज्येष्ठ माह में ही उन्हें अमरता का वरदान प्राप्त हुआ था। इसलिए इस माह में हनुमान जी की पूजा विशेष रूप से फलदायी मानी जाती है। इस साल ज्येष्ठ माह में अधिक मास लगा था, जिससे 8 बड़े मंगल का दुर्लभ संयोग बना था। आज इस माह का 8वां और अंतिम बड़ा मंगल है।
यूं तो हर हफ्ते मंगलवार का दिन हनुमान जी को समर्पित है, लेकिन ज्येष्ठ माह में आने वाले मंगलवार का अधिक महत्व माना जाता है। ज्येष्ठ माह में हनुमान जी की पूजा विशेष रूप से फलदायी मानी जाती है। इस दिन बजरंग बली की पूजा करने से जीवन के दुख, तकलीफें और बीमारियों से मुक्ति मिलती है। हनुमान जी संकटमोचन हैं, इसलिए इनकी विधि-विधान और श्रद्धा से पूजा करने पर संकट दूर होते हैं और सकारात्मकता आती है। आज ज्येष्ठ माह का आखिरी मंगल है, जब आप पवनपुत्र की विशेष कृपा प्राप्त कर सकते हैं।
आखिरी बड़े मंगल पर जरूर करें ये उपाय
- बड़ा मंगल की पूजा का पुण्यफल पाने के लिए साधक को हनुमान जी की पूजा में लाल रंग के पुष्प जैसे गुड़हल, गुलाब आदि और तुलसी दल अर्पित करना चाहिए। बड़ा मंगल की पूजा वाले दिन हनुमान जी की पूजा में चढ़ाई जाने वाली तुलसी को एक दिन पूर्व तोड़ लेना चाहिए।
- आखिरी बड़ा मंगल वाले दिन साधक को हनुमान जी की पूजा में सिंदूर का चोला और लाल रंग की झंडी अवश्य चढ़ाना चाहिए।
- बड़ा मंगल की पूजा के समय साधक को बूंदी, बेसन के लड्डू, चूरमा, गुड़-चना और मौसमी फल अर्पित करना चाहिए।
- हनुमान जी की पूजा में अन्य चीजों के अलावा गुलकंद वाला मीठा पान जरूर चढ़ाना चाहिए। इस उपाय से साधक के जीवन में मिठास बनी रहती है और वह स्वस्थ और सुखी जीवन जीता है।
- बड़ा मंगल वाले दिन हनुमान जी की पूजा के साथ उनके नाम का भंडारा करने का बहुत ज्यादा महत्व माना गया है। मान्यता है कि भंडारा प्रसाद बांटने या सहयोग करने वाले साधक को बजरंग बली बल, बुद्धि, विद्या, विवेक और सुख-संपत्ति का आशीर्वाद देते हैं।
- इस दिन हनुमान जी पूजा के साथ आम लोगों के लिए जल सेवा का बहुत ज्यादा महत्व माना गया है। ऐसे में साधक को जून महीने की गर्मी से राहत दिलाने वाली जल सेवा करनी चाहिए।


