Market Trend :गैप-डाउन शुरुआत के बाद बाजार में रिकवरी का मूड, आज इन दो शेयरों में हो सकती है बंपर कमाई

Market View : गैप-डाउन शुरुआत के बाद बाजार में रिकवरी का मूड देखने को मिल रहा है। वीकली एक्सपायरी के दिन निफ्टी निचले स्तरों से 90 प्वाइंट सुधरकर 24100 के ऊपर दिख रहा है। बैंक निफ्टी सपाट कारोबार कर रहा है। मिडकैप और स्मॉलकैप हल्की बढ़त के साथ आउटपरफॉर्म कर रहे हैं। फार्मा के साथ-साथ कैपिटल गुड्स और रियल्टी में भी मजबूती के साथ कारोबार हो रहा है। दोनों सेक्टर इंडेक्स करीब 0.50 फीसदी चढ़े हैं। साथ ही केमिकल,तेल-गैस और NBFCs में भी हल्की बढ़त है। लेकिन IT और मेटल शेयरों में तेज गिरावट देखने को मिली है। दोनों सेक्टर इंडेक्स 1.25 फीसदी से ज्यादा फिसले हैं। IT में इंफोसिस और LTM वायदा के टॉप लूजर्स में शामिल हैं।

निफ्टी व्यू

ऐसे में मार्केट के ट्रेंड के बारे में बात करते हुए manasjaiswal.com के मानस जायसवाल ने कहा कि निफ्टी अपने 100 डे मूविंग एवरेज पर रेजिस्टेंस फेस कर रहा है। दो दिन पहले भी वहां पर एक प्रॉफिट बुकिंग देखने को मिली थी और कल भी हाई लेवल पे प्रॉफिट बुकिंग देखने को मिली है। लेकिन ऐसा लगता है कि निफ्टी का मेन ट्रेंड पॉजिटिव है और जब तक यह 10 डे और 20 डे मूविंग एवरेज के ऊपर ट्रेड करता रहेगा, हर गिरावट पे खरीदारी करनी है। फाइनली निफ्टी 24,200 का आंकड़ा पार करके 24,450 पर स्थित 200 डे मूविंग एवरेज की तरफ जाने की कोशिश करेगा। ऐसे में 24,000 के आसपास कोई भी छोटा-मोटा डिप मिल जाए तो वो एक बढ़िया बाइंग अपॉर्चुनिटी रहेगी। इसके लिए 23,800 का स्टॉप लॉस लगा कर 24,450 के टारगेट सेट करें और। वहीं, अगर 24,200 के ऊपर ब्रेकआउट आ जाए तो फिर आपको 24,100 के स्टॉप लॉस से 24,450 के टारगेट के लिए खरीदारी करनी है।

बैंक निफ्टी व्यू

मानस जायसवाल ने कहा कि बैंक निफ्टी में भी ट्रेंड काफी पॉजिटिव बना हुआ है। यहां पर भी हायर टॉप फायर बॉटम बन रहे हैं। ऐसा लगता है कि बैंक निफ्टी 59,000 की तरफ बढ़ने की कोशिश कर रहा है। यहां से इसमें करीब-करीब 1000 पॉइंट की तेजी देखने को मिल सकती है। इसमें भी खरीदारी करने की राय रहेगी। इसके लिए 57,400 पर आपको स्टॉप लॉस लगाना होगा।

मानस जायसवाल के पसंदीदा शेयर

इनकी पहली पसंद है बजाज होल्डिंग्स (BAJAJ HOLDING)। स्टॉक में हायर टॉप,हायर बॉटम बनते दिखे हैं। स्टॉक ने कल अपने 200 डे मूविंग एवरेज को टेस्ट किया है। लेकिन जिस तरह के पैटर्न्स बने हैं उसको देख के लग रहा है कि स्टॉक अपने 200 मूविंग एवरेज को भी ब्रेक कर सकता है। ऐसे में यहां पर खरीदारी करने की राय रहेगी। इसमें 10,750 के स्टॉप लॉस से खरीदारी करनी है और आपके टारगेट 11,100 के आसपास के रहेंगे।

मानस जायसवाल का दूसरा रिकमेंडेशन पीएसयू बैंकिंग से है। कल पीएसयू बैंकिंग में लोअर लेवल पे बाइंग इंटरेस्ट देखने को मिला था। दो दिन पहले हमने करेक्शन भी देखा था। लेकिन अब रैली रिज्यूम हो गई है तो बैंक ऑफ बड़ौदा में खरीदारी कर सकते हैं। स्टॉप लॉस आपको 283 का लगाना है और टारगेट आपको 292 का सेट करके चलना है।

 

Market View : निफ्टी में गिरावट पर खरीदारी की रणनीति करेगी काम, इन दो शेयरों में हो सकती है अच्छी कमाई

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

SpaceX Shares: तीन दिनों में ₹56 लाख करोड़ स्वाहा, Elon Musk की स्पेस एक्स तीसरे दिन धड़ाम, 16% की भारी गिरावट

SpaceX Shares: अमेरिकी स्टॉक मार्केट में नैस्डैक (Nasdaq) पर धांसू एंट्री के बाद एलॉन मस्क (Elon Musk) की स्पेसएक्स की रफ्तार अब सुस्त पड़ती दिख रही है। लगातार तीसरे दिन सोमवार 22 जून को इसके शेयर धड़ाम हुए और सोमवार को तो यह 16% टूट गया। न्यूज एजेंसी ब्लूमबर्ग की एक रिपोर्ट के मुताबिक इस बिकवाली के चलते निवेशकों की दौलत तेजी से नीचे आई और लगातार तीन कारोबारी दिनों में शेयरों में 23% से अधिक गिरावट के चलते निवेशकों की दौलत करीब $60 हजार करोड़ यानी ₹56 लाख करोड़ से ज्यादा घट गई। स्पेसएक्स के शेयर 22 जून को नैस्डैक पर 16.43% की गिरावट के साथ $154.60 पर बंद हुए। 12 जून को इसकी मार्केट में एंट्री हुई थी और 16 जून को इसने $225.64 का रिकॉर्ड हाई छुआ था। इसके अगले ही दिन 17 जून से लाल होना शुरू हो गया। कुछ समय के लिए मार्केट कैप के मामले में इसने एमेजॉन (Amazon) और माइक्रोसॉफ्ट (Microsoft) जैसी दिग्गज टेक कंपनियों को भी पीछे छोड़ दिया था।

क्यों आया SpaceX के शेयरों पर दबाव

स्पेसएक्स के पहली बार डेट मार्केट में उतरने के फैसले से निवेशकों के सेंटिमेंट पर असर पड़ा है। ब्लूमबर्ग के मुताबिक कंपनी अपने एआई (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) प्रोजेक्ट्स के विस्तार के लिए निवेश-ग्रेड बॉन्ड जारी करके कम से कम $2 हजार करोड़ जुटाने की योजना बना रही है। हालांकि स्पेसएक्स ने अभी तक यह खुलासा नहीं किया है कि उसकी योजना कितना फंड जुटाने की है। इसके अलावा मास्पेसएक्स के पहली बार डेट मार्केट में उतरने के फैसले ने निवेशकों के सेंटिमेंट पर दबाव डाला। के चीफ मार्केट स्ट्रैटेजिस्ट Michael O’Rourke का कहना है कि अधिकतर निवेशक जो इस शेयर में निवेश करना चाहते थे, उन्होंने लिस्टिंग के तुरंत बाद ही खरीदारी कर ली थी, जिससे सेलर्स को प्राइस एक्शन पर अधिक कंट्रोल मिल गया।

बनी हुई है खुदरा निवेशकों की दिलचस्पी

गिरावट के बावजूद रिटेल इंवेस्टर्स की स्पेसएक्स में दिलचस्पी बनी हुई है। कंपनी के कुल आउटस्टैंडिंग शेयरों में से सिर्फ 4.2% शेयर ही ट्रेडिंग के लिए उपलब्ध हैं, क्योंकि मौजूदा शेयरहोल्डर्स पर लॉक-अप प्रतिबंध लागू हैं। सीएनबीसी टीवी18 की रिपोर्ट के मुताबिक वांडा रिसर्च के आंकड़ों से सामने आया है कि लिस्ट होने के बाद शुरुआती पांच कारोबारी दिनों में इंडिविजुअल इंवेस्टर्स ने स्पेस एक्स के $40.5 करोड़ के शेयरों की नेट खरीदारी की। यह निवेश इन पांच दिनों में सात बड़ी टेक कंपनियों में कुल रिटेल इंवेस्टमेंट से भी अधिक रही। सोमवार को शेयर भाव में गिरावट के दौरान भी खुदरा निवेशकों ने शेयर खरीदे, लेकिन मांग पहले की तुलना में कमजोर रही।

SpaceX ने Elon Musk को बनाया ट्रिलेनियर, लेकिन अब लटकी यह तलवार

डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

Stock Market Recovery: दो सेक्टर की गिरावट को थाम लिया अकेले, Sensex ने निचले स्तर से की वापसी, Nifty भी ग्रीन

Stock Market Recovery: निफ्टी की वीकली एक्सपायरी के दिन आज शुरुआती कारोबार में घरेलू इक्विटी बेंचमार्क इंडेक्सेज सेंसेक्स और निफ्टी 50 लाल खुले। हालांकि शुरुआती गिरावट से उबरते हुए ये ग्रीन हो गए। इंट्रा-डे के निचले स्तर से सेंसेक्स प्वाइंट्स रिकवर हुआ तो निफ्टी भी एक बार फिर 24100 के पार पहुंच गया। ब्रोडर लेवल पर मार्केट में रौनक बनी हुई है और स्मॉलकैप स्पेस में तो अधिक ही। निफ्टी मिडकैप 100 में आधे फीसदी से कम बढ़त है तो निफ्टी स्मॉलकैप 100 में आधे फीसदी से अधिक।

अब इक्विटी बेंचमार्क इंडेक्सेज की बात करें तो फिलहाल 10:09 AM पर सेंसेक्स (Sensex) 68.59 प्वाइंट्स यानी 0.09% की मामूली बढ़त के साथ 77,162.66 और निफ्टी 50 (Nifty 50) भी 22.95 प्वाइंट्स यानी 0.10% की तेजी के साथ 24,125.85 पर है। इंट्रा-डे में सेंसेक्स 215.41 प्वाइंट्स टूटकर 76,878.66 तक आ गया था जिससे 313.97 प्वाइंट्स रिकवर होकर यह 77,192.6 तक पहुंचा तो निफ्टी 50 भी 62.85 प्वाइंट्स गिरकर 24,040.05 तक आया था जिससे यह 95.45 प्वाइंट्स चढ़कर 24,135.50 तक पहुंच गया।

Stock Market Recovery: ये है वजह

कच्चे तेल में फिसलन

अमेरिका और ईरान के बीच शांति समझौते पर बातचीत आगे बढ़ने से कच्चे तेल की सप्लाई सामान्य होने की उम्मीद बढ़ी है। इससे कच्चा तेल का भाव आज भी नरम पड़ा। अमेरिका और ईरान के बीच युद्ध की आंच में ब्रेंट क्रूड एक समय उछलकर प्रति बैरल $120 के करीब पहुंच गया था लेकिन अब यह टूटकर $78 के भी नीचे आ चुका है।

Pharma Sector ने मार्केट को खींच लिया ऊपर

निफ्टी आईटी में डेढ़ फीसदी से अधिक और निफ्टी मेटल में 1% से अधिक की गिरावट को फार्मा सेक्टर ने अकेले संभाल लिया जिसका निफ्टी इंडेक्स 2% से अधिक मजबूत हुआ है। निफ्टी पीएसयू बैंक में आधे फीसदी से अधिक की गिरावट है लेकिन निफ्टी रियल्टी में 1% से अधिक उछाल है।

वैल्यू बाइंग

मार्केट में आज शुरुआती गिरावट का फायदा उठाते हुए निवेशकों ने निचले स्तर पर खरीदारी की जिससे मार्केट को सपोर्ट मिला।

India VIX में नरमी

मार्केट की घबराहट को मापने वाले वोलैटिलिटी इंडेक्स इंडिया वीआईएक्स की नरमी से मार्केट को सपोर्ट मिला। India VIX फिलहाल 2.49% की गिरावट के साथ 12.52 पर है। इसके अधिक होने का मतलब आने वाले दिनों में वोलैटिलिटी के हाई होने और कम होने का मतलब वोलैटिलिटी के कम होने की संभावना है।

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डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

Trading Plan: 24000 के ऊपर बने रहने तक निफ्टी में तेजी की उम्मीद रहेगी कायम, 24500 पर अगला अहम रेजिस्टेंस

Trading Plan: बाजार में तेजी का दौर जारी रहने की संभावना है,क्योंकि निफ्टी 50 अपने शॉर्ट-टू-मीडियम टर्म मूविंग एवरेज से काफी ऊपर ट्रेड कर रहा है और ये एवरेज ऊपर की ओर बढ़ रहे हैं। साथ ही,कच्चे तेल की कीमतों में नरमी है और वोलैटिलिटी इंडेक्स इंडिया VIX भी नीचे है। हालांकि,मोमेंटम इंडिकेटर बाजार के रुख को ‘साइडवेज-टू-पॉजिटिव'(सपाट से पॉजिटिव) बता रहे हैं। जब तक निफ्टी 24,000 से ऊपर बना रहता है,तब तक इसमें 24,200–24,300 के जोन (जो एक तत्काल रेजिस्टेंस है) तक तेजी आ सकती है। इसके बाद 24,500 का स्तर एक अहम रेजिस्टेंस लेवल के तौर पर सामने आएगा। निचले स्तर पर 23,800 के अहम सपोर्ट लेवल के तौर पर काम करने की उम्मीद है। वहीं,बैंक निफ्टी को 58,500–59,000 के जोन की ओर बढ़ने के लिए 58,000 के ऊपर लगातार क्लोजिंग की जरूरत है। जानकारों के मुताबिक,इंडेक्स के लिए सपोर्ट 57,000–56,800 की रेंज में है।

निफ्टी आउटलुक और रणनीति

ICICI सिक्योरिटीज में डेरिवेटिव्स और क्वांट रिसर्च के वाइस प्रेसिडेंट और हेड जय ठक्कर का कहना है कि पिछले ट्रेडिंग सेशन में निफ्टी बढ़त के साथ बंद हुआ। हालांकि,इसे एक बार फिर 24,200 के लेवल के पास सप्लाई का सामना करना पड़ा,जो शॉर्ट-टर्म रेजिस्टेंस का काम कर रहा है। हाल ही में,इंडेक्स 23,800 के लेवल से पलटा और अब 24,000 के निशान से काफी ऊपर ट्रेड कर रहा है,जहां सबसे ज्यादा कुल ‘पुट बेस’है। इसलिए,शॉर्ट-टर्म रेंज 24,000–24,200 के बीच दिख रही है,जबकि महीने की बड़ी रेंज 23,800–24,500 है।

कुल मिलाकर ट्रेंड पॉजिटिव बना हुआ है। इंडिया VIX और कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट जैसी कई वजहें इस बढ़त को सपोर्ट कर रही हैं। हालांकि,US डॉलर इंडेक्स में बढ़ोतरी इक्विटी के लिए एक नेगेटिव फैक्टर है। इसलिए,उम्मीद है कि मार्केट निकट भविष्य में एक दायरे (रेंज)में ही रहेगा। अगर इंडेक्स 24,200 के लेवल को पार करता है,तो इसमें 24,500 की ओर और तेजी आ सकती है। वहीं,अगर इंडेक्स इस लेवल को पार नहीं कर पाता है,तो कुछ समय के लिए कंसोलिडेशन की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।

हाल के निचले स्तर 23,072 से शुरू हुई रैली का आखिरी लक्ष्य 24,800–25,000 बना हुआ है। इसलिए,हमारा नजरिया पॉज़िटिव बना हुआ है और हम’बाय-ऑन-डिप्स'(गिरावट पर खरीदारी)की रणनीति अपनाने की सलाह है।

अहम रेजिस्टेंस: 24,200, 24,500

अहम सपोर्ट: 24,000, 23,800

स्ट्रैटेजी: 24,000 के आस-पास निफ्टी फ्यूचर्स खरीदें, 23,800 के नीचे स्टॉप-लॉस रखें और 24,200 व 24,500 का टारगेट सेट करें।

Market cues : निफ्टी के 24200 के नीचे ट्रेड करने तक कंसोलिडेशन जारी रहने की संभावना, 23800 पर अहम सपोर्ट

बैंक निफ्टी आउटलुक और रणनीति

जय ठक्कर का कहना है कि तेजी के इस दौर में बैंक निफ्टी,निफ्टी से बेहतर प्रदर्शन कर रहा है। इसमें सबसे पहले रिकवरी आई थी और यह अभी भी मजबूती से ट्रेड कर रहा है। पुट-कॉल रेश्यो (PCR) 1 से ऊपर 1.08 पर है,जो तेजी का संकेत है। इसके अलावा,इंडेक्स अपने 57,000 के’मैक्सिमम पेन लेवल’से काफी ऊपर ट्रेड कर रहा है,जिसके शॉर्ट-टर्म सपोर्ट के तौर पर काम करने की उम्मीद है।

मौजूदा सीरीज के लिए ऊपर की तरफ,58,000 के स्ट्राइक पर’कॉल बेस’काफी मज़बूत है और यह शॉर्ट-टर्म रेजिस्टेंस का काम कर रहा है। इस लेवल के ऊपर जाने पर ही और शॉर्ट कवरिंग शुरू होने की संभावना है,जिससे इंडेक्स 59,000 और 60,000 के लेवल तक जा सकता है। तब तक,57,000 और 58,000 के लेवल के बीच कंसोलिडेशन की संभावना ज्यादा है।

57,500 और 58,000 के स्ट्राइक पर पुट में काफी बढ़ोतरी हुई है। हालांकि,अभी 58,000 के स्ट्राइक पर’कॉल’राइटर्स का पलड़ा भारी है। पोजीशनल नजरिए से देखें तो जब तक 55,000 का लेवल नहीं टूटता,तब तक ट्रेंड पॉजिटिव बना रहेगा और 60,000 व 61,000 के टारगेट बने रहेंगे। फिलहाल,रणनीति यही है कि गिरावट पर खरीदारी करें या फिर 58,000 के ऊपर’ब्रेकआउट’होने पर खरीदें।

अहम रेजिस्टेंस: 58,000, 60,000

अहम सपोर्ट: 57,000, 56,000

स्ट्रैटेजी: बैंक निफ्टी फ्यूचर्स को 58,000 के ऊपर या 57,000 के आस-पास गिरावट पर खरीदें। स्टॉप-लॉस 56,000 के नीचे और टारगेट 60,000 रखें।

 

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Market cues : निफ्टी के 24200 के नीचे ट्रेड करने तक कंसोलिडेशन जारी रहने की संभावना, 23800 पर अहम सपोर्ट

Trade setup for today : एक दिन की गिरावट के बाद 22 जून को निफ्टी 50 में रिकवरी आई और यह लगभग 0.4 प्रतिशत बढ़त लेकर बंद हुआ। इंडेक्स अपने शॉर्ट-टू-मीडियम टर्म मूविंग एवरेज से ऊपर बना रहा और ये सभी ऊपर की ओर बढ़ते रहे,जबकि मोमेंटम इंडिकेटर्स ने साइडवेज-टू-पॉजिटिव रुझान का संकेत दिया। बाजार जानकारों का कहना है कि मार्केट ट्रेंड के पॉजिटिव बने रहने की उम्मीद है। निफ्टी के लिए 24,150–24,200 का जोन और उसके बाद 24,300–24,500 की रेंज टारगेट हो सकती है। हालांकि,24,000 का लेवल तत्काल सपोर्ट का काम कर सकता है। उसके बाद 23,800 पर अगला अहम सपोर्ट हो सकता है। जब तक इंडेक्स 24,200 के नीचे ट्रेड करेगा,तब तक कंसोलिडेशन की संभावना है।

यहां आपको कुछ ऐसे आंकड़े दे रहे हैं जिनके आधार पर आपको मुनाफे वाले सौदे पकड़ने में आसानी होगी।

Nifty के लिए की सपोर्ट और रजिस्टेंस लेवल

पिवट प्वांइट पर आधारित सपोर्ट : 24,078, 24,056 और 24,020

पिवट प्वांइट पर आधारित रजिस्टेंस : 24,151, 24,173 और 24,210

निफ्टी 50 ने डेली टाइमफ्रेम पर’डोजि कैंडलस्टिक पैटर्न’बनाया,जो बुल्स और बेयर्स के बीच असमंजस की स्थिति को दिखाता है। इंडेक्स अप्रैल की रैली के 23.6 प्रतिशत फाइबोनैचि रिट्रेसमेंट लेवल के ऊपर बंद हुआ और अपने शॉर्ट और मीडियम-टर्म मूविंग एवरेज से ऊपर बना रहा। साथ ही 10-दिन का EMA 50-दिन के EMA के ऊपर चला गया। RSI बढ़कर 59.65 हो गया और इसने बुलिश क्रॉसओवर बनाए रखा। MACD जीरो लाइन और सिग्नल लाइन,दोनों के काफी ऊपर बना रहा। हालांकि हरे हिस्टोग्राम बार हल्के पड़ते रहे। ये सभी इंडिकेटर साइडवेज से पॉजिटिव रुझान का संकेत देते हैं,जबकि ओवरऑल ट्रेंड बुलिश बना हुआ है।

बैंक निफ्टी

पिवट पॉइंट्स के आधार पर रेजिस्टेंस: 57,999, 58,067 और 58,177

पिवट पॉइंट्स के आधार पर सपोर्ट: 57,778, 57,710 और 57,599

फाइबोनैचि रिट्रेसमेंट के आधार पर रेजिस्टेंस: 59,195, 61,678

फाइबोनैचि रिट्रेसमेंट के आधार पर सपोर्ट: 56,772, 56,012

बैंक निफ्टी ने भी डेली चार्ट पर’डोजि'(Doji)जैसा कैंडलस्टिक पैटर्न बनाया और सोमवार को इसमें 0.4 प्रतिशत की बढ़त दिखी। इंडेक्स सभी अहम मूविंग एवरेज से ऊपर बना रहा,जिसमें 20-दिन का EMA, 100-दिन के EMA को पार करने की स्थिति में है। यह 15 जून को बने बुलिश गैप से भी काफी ऊपर बना रहा। RSI बढ़कर 69.14 पर पहुंच गया और इसने बुलिश क्रॉसओवर बनाए रखा। MACD भी सिग्नल लाइन और जीरो लाइन,दोनों के ऊपर बना रहा। जबकि हरे हिस्टोग्राम बार एक और सेशन के लिए कमजोर होते रहे। ये सभी इंडिकेटर बताते हैं कि मुख्य ट्रेंड पॉज़िटिव बना हुआ है,हालांकि ऊपरी लेवल पर कुछ कंसोलिडेशन की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।

Stock Market Today : बाजार पर आज इन खबरों का दिखेगा असर, कोई ट्रेड लेने से पहले इन पर डाल लें एक नजर

एफआईआई और डीआईआई फंड फ्लो

22 जून को विदेशी संस्थागत निवेशक (FIIs) नेट सेलर रहे और उन्होंने 635 करोड़ रुपये के शेयर बेचे। वहीं,घरेलू संस्थागत निवेशकों (DIIs)ने बाजार को सहारा देना जारी रखा और इस दौरान 1,000 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे।

इंडिया VIX

मार्केट में उतार-चढ़ाव की उम्मीद को मापने वाला इंडिया VIX कल 0.98% गिरकर 12.84 पर आ गया और 12-13 के निचले दायरे के पास बना रहा। इससे तेजड़ियों को राहत मिली। अगर वोलैटिलिटी इंडेक्स में और गिरावट आती है,तो इससे तेजी के माहौल को और सहारा मिल सकता है।

पुट कॉल रेशियो

बाजार के मूड को दर्शाने वाला निफ्टी पुट-कॉल रेशियो 22 जून को बढ़कर 0.97 हो गया,जबकि पिछले सेशन में यह 0.91 था। गौरतलब है कि 0.7 से ऊपर या 1 को पार पीसीआर का जाना आम तौर पर तेजी की भावना का संकेत माना जाता है। जबकि 0.7 से नीचे या 0.5 की ओर गिरने वाला अनुपात मंदी की भावना का संकेत होता है।

F&O बैन के अंतर्गत आने वाले स्टॉक

F&O सेगमेंट के अंतर्गत प्रतिबंधित प्रतिभूतियों में वे कंपनियां शामिल होती हैं, जिनके डेरिवेटिव अनुबंध मार्केट वाइड पोजीशन लिमिट के 95 फीसदी से ज्यादा हो जाती हैं।

एफएंडओ प्रतिबंध में नए शामिल स्टॉक:कोई नहीं

एफएंडओ प्रतिबंध में पहले से शामिल स्टॉक:केन्स टेक्नोलॉजी इंडिया

एफएंडओ प्रतिबंध से हटाए गए स्टॉक:कोई नहीं

 

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Market Prediction Today: गिफ्ट निफ्टी दे रहा भारतीय बाजार के फ्लैट खुलने के संकेत, US-ईरान वार्ता और फेड रेट आउटलुक पर इन्वेस्टर्स की नजर

Market Prediction Today: US-ईरान शांति समझौते को लेकर सावधानी के बीच, ग्लोबल मार्केट से मिले-जुले संकेतों को देखते हुए, भारतीय स्टॉक मार्केट के बेंचमार्क इंडेक्स, सेंसेक्स और निफ्टी 50, मंगलवार को फ्लैट खुलने की संभावना है। GIFT Nifty के ट्रेंड भी भारतीय बेंचमार्क इंडेक्स के लिए धीमी शुरुआत का संकेत दे रहे है। गिफ्ट निफ्टी 24,130 के लेवल के आसपास ट्रेड कर रहा था, जो निफ्टी फ्यूचर्स के पिछले क्लोज से लगभग 6 पॉइंट्स का प्रीमियम है।

सोमवार को, US-ईरान शांति वार्ता में प्रोग्रेस की खबरों के बीच भारतीय स्टॉक मार्केट बढ़त के साथ बंद हुआ, जिसमें बेंचमार्क निफ्टी 50 24,100 के लेवल से ऊपर बंद हुआ।सेंसेक्स 291.17 पॉइंट्स या 0.38% बढ़कर 77,094.07 पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी 50 89.80 पॉइंट्स या 0.37% बढ़कर 24,102.90 पर बंद हुआ।

ओपनिंग बेल से पहले ग्लोबल संकेत मिले-जुले रहे

वॉल स्ट्रीट रात भर नीचे बंद हुआ, जिसमें टेक्नोलॉजी स्टॉक्स दबाव में रहे। नैस्डैक कंपोजिट 1.32 परसेंट गिरा और S&P 500 0.37 परसेंट गिरा, जिसकी वजह अल्फाबेट समेत बड़े टेक्नोलॉजी नामों में गिरावट रही। हालांकि, हेल्थकेयर और इंडस्ट्रियल स्टॉक्स में बढ़त से डॉव जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज 0.29 परसेंट बढ़ा।

मंगलवार को एशियाई मार्केट भी धीमे रहे। जापान के बाहर एशिया-पैसिफिक शेयरों का MSCI का सबसे बड़ा इंडेक्स 0.5 परसेंट गिरा, जबकि जापान का निक्केई 0.6 परसेंट फिसला। साउथ कोरिया का कोस्पी लगभग 2 परसेंट गिरा, हालांकि ताइवानी इक्विटीज़ ने नई ऊंचाई को छुआ। इस साल के आखिर में फेडरल रिजर्व के और रेट बढ़ाने की बढ़ती उम्मीदों के बीच इन्वेस्टर सावधान रहे।

इस बीच, पिछले सेशन में तेज गिरावट के बाद कच्चे तेल की कीमतें बढ़ीं। ब्रेंट क्रूड लगभग $78 प्रति बैरल तक पहुंच गया, जबकि US क्रूड $74 प्रति बैरल से ऊपर ट्रेड कर रहा था, क्योंकि इन्वेस्टर US-ईरान बातचीत में प्रोग्रेस का अंदाज़ा लगा रहे थे और होर्मुज स्ट्रेट से तेल के फ्लो की बहाली पर ज़्यादा क्लैरिटी का इंतज़ार कर रहे थे।

यह उछाल सोमवार को तेल की कीमतों में 3 परसेंट से ज़्यादा की गिरावट के बाद आया है, जब अमेरिका ने ईरान को 60 दिन के बैन से छूट दी और अधिकारियों ने डिप्लोमैटिक बातचीत में प्रोग्रेस पर ज़ोर दिया। इस बढ़ोतरी के बावजूद, क्रूड तेल लड़ाई के पीक के दौरान देखे गए लेवल से काफी नीचे है, जो भारत जैसी तेल इंपोर्ट करने वाली इकॉनमी के लिए एक सपोर्टिव बैकग्राउंड देता है।

क्या कहते है बाजार एक्सपर्ट

एनरिच मनी के CEO पोनमुडी आर के मुताबिक, डिप्लोमैटिक डेवलपमेंट सेंटीमेंट को सपोर्ट कर रहे हैं। उन्होंने कहा, “भारतीय बाज़ारों में सावधानी से पॉज़िटिव रुझान के साथ ट्रेड करने की उम्मीद है क्योंकि US-ईरान बातचीत में डिप्लोमैटिक प्रोग्रेस से इन्वेस्टर सेंटिमेंट को सपोर्ट मिल रहा है। US वाइस प्रेसिडेंट के इस कमेंट से कि प्रस्तावित एग्रीमेंट को फ़ाइनल करने के लिए ‘अच्छी नींव’ है, इस उम्मीद को और मज़बूत किया है कि बातचीत कंस्ट्रक्टिव रास्ते पर है, जिससे मिडिल ईस्ट में एक स्थायी समाधान की उम्मीदें बढ़ रही हैं।”

जियोपॉलिटिक्स के अलावा, इन्वेस्टर ट्रेड के मोर्चे पर भी डेवलपमेंट पर नज़र रखेंगे। US ट्रेड रिप्रेज़ेंटेटिव जैमीसन ग्रीर के इस हफ़्ते कॉमर्स मिनिस्टर पीयूष गोयल के साथ बातचीत के लिए भारत आने की उम्मीद है, क्योंकि दोनों देश बाइलेटरल ट्रेड एग्रीमेंट की दिशा में काम कर रहे हैं। टैरिफ़ में छूट या बड़े ट्रेड सहयोग पर कोई भी प्रोग्रेस मार्केट सेंटिमेंट को और सपोर्ट कर सकती है।

एफआईआई फ्लो मिला-जुला

इंस्टीट्यूशनल फ़्लो मिले-जुले रहे। 22 जून को फ़ॉरेन इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर (FII) नेट सेलर थे, जिन्होंने Rs 635 करोड़ के इक्विटी बेचे। डोमेस्टिक इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर (DII) ने Rs 1,000 करोड़ के शेयर खरीदकर सपोर्ट देना जारी रखा।

टेक्निकल मोर्चे पर, पोनमुडी ने कहा कि निफ्टी ज़रूरी सपोर्ट लेवल से ऊपर एक कंस्ट्रक्टिव स्ट्रक्चर बनाए हुए है। अभी की रुकावट 24,200 का निशान है, और इस लेवल से ऊपर लगातार ब्रेकआउट 24,400 की ओर बढ़ने का रास्ता बना सकता है। नीचे की तरफ, 24,000-23,900 ज़ोन एक ज़रूरी सपोर्ट एरिया बना हुआ है। इस रेंज से नीचे ब्रेक होने पर नई प्रॉफ़िट बुकिंग शुरू हो सकती है और इंडेक्स 23,800 की ओर जा सकता है।

 

(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Stock Market Today : बाजार पर आज इन खबरों का दिखेगा असर, कोई ट्रेड लेने से पहले इन पर डाल लें एक नजर

Market news : BSE सेंसेक्स और निफ्टी 50 जैसे बेंचमार्क इंडेक्स 23 जून को बढ़त के साथ खुलने की उम्मीद है। GIFT निफ्टी में भी बढ़त देखने को मिल रही है। यह शुरुआती कारोबार में बढ़त के साथ 24,145.50 के आसपास ट्रेड कर रहा था। यहां हम आपके लिए तमाम समाचार प्लेटफॉर्मों पर चल रही आज की ऐसी अहम खबरों की एक सूची जारी कर रहें हैं जो भारतीय और अंतर्राष्ट्रीय बाजारों को प्रभावित कर सकते हैं।

मार्केट ओवरव्यू

शुक्रवार को हुई बिकवाली के बाद,22 जून को भारतीय बेंचमार्क इंडेक्स में जबरदस्त रिकवरी देखने को मिली। कच्चे तेल की कीमतों में आई भारी गिरावट और US-ईरान शांति वार्ता में प्रगति को लेकर बनी उम्मीदों के चलते निफ्टी ने फिर से तेजी पकड़ी और 24,100 के स्तर के ऊपर बंद हुआ। कारोबार के अंत में,सेंसेक्स 291.17 अंक या 0.38 प्रतिशत बढ़कर 77,094.07 पर और निफ्टी 89.80 अंक या 0.37 प्रतिशत बढ़कर 24,102.90 पर बंद हुआ।

गिफ्ट निफ्टी

सुबह 07.50 बजे के आसपास गिफ्ट निफ्टी 32 अंक यानी 0.13 फीसदी की बढ़त के साथ 24,132 के आसपास कारोबार कर रहा था।

एशियाई बाजार

एशियाई शेयर बाजारों में मिलाजुला रुख देखने को मिल रहा है। जापान के निक्केई में 0.87 फीसदी की कमजोरी देखने को मिल रही है। वहीं,स्ट्रेट टाइम्स 0.24 फीसदी की तेजी दिखा रहा है। हैंगसेंग 0.56 फीसदी की कमजोरी दिखा रहा है। ताइवान के बाजार में 0.19 फीसदी की गिरावट है। कोस्पी 4.14 फीसदी नीचे दिख रहा है। वहीं,शांघाई कंपोजिट में 0.10 फीसदी की हल्की बढ़त नजर आ रही है।

Asian markets today: एशियाई बाजारों में गिरावट, कोस्पी 1.5% टूटा, जापान बॉन्ड यील्ड में बढ़त

अमेरिकी बाजार

सोमवार को S&P 500 और नैस्डैक गिरावट के साथ बंद हुए। इसकी वजह अल्फाबेट जैसी बड़ी टेक्नोलॉजी कंपनियों के शेयरों में आई गिरावट थी। निवेशक अमेरिका-ईरान बातचीत से जुड़ी गतिविधियों पर नजर बनाए हुए थे। वहीं, हेल्थकेयर और इंडस्ट्रियल सेक्टर में तेजी की वजह से डॉओ (Dow)बढ़त के साथ बंद हुआ। डाओ जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज 148.01 अंक या 0.29% बढ़कर 51,712.71 पर बंद हुआ। S&P 500 में 27.79 अंक या 0.37 फीसदी की गिरावट आई और यह 7,472.79 पर बंद हुआ,जबकि नैस्डैक कम्पोजिट 351.33 अंक या 1.32% गिरकर 26,166.60 पर बंद हुआ।

डॉलर इंडेक्स

छह करेंसी की बास्केट के मुकाबले डॉलर की मजबूती को मापने वाला US डॉलर इंडेक्स मजबूत दिख रहा है। यह पिछले साल मई के बाद से अपने सबसे ऊंचे स्तर के करीब आ गया। फिलहाल डॉलर इंडेक्स 101.02 के स्तर पर दिख रहा है।

US बॉन्ड यील्ड

अमेरिका में 10-साल और 2-साल के ट्रेजरी बॉन्ड पर यील्ड में बहुत कम बदलाव हुआ और ये क्रमशः 4.50% और 4.22% पर दिख रहे हैं।

एशियन करेंसी

अमेरिकी डॉलर के मुकाबले ज्यादातर एशियाई करेंसीज कमजोर हुईं हैं। जिससे पूरे क्षेत्र में जोखिम को लेकर सावधानी का माहौल दिखा। फिलीपीन पेसो का प्रदर्शन सबसे खराब दिख रहा है,जिसमें 0.315 प्रतिशत की गिरावट आई है। इसके बाद इंडोनेशियाई रुपिया में 0.219 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई। चीनी रेनमिनबी भी 0.117 प्रतिशत कमजोर हुई है,जबकि दक्षिण कोरियाई वॉन और थाई बहत में क्रमशः 0.075 प्रतिशत और 0.055 प्रतिशत की गिरावट आई है।

उधर जापानी येन में 0.006 प्रतिशत की मामूली गिरावट के साथ लगभग कोई बदलाव नहीं हुआ है। जबकि ताइवान डॉलर और सिंगापुर डॉलर में क्रमशः 0.019 प्रतिशत और 0.023 प्रतिशत की गिरावट आई है। इसके विपरीत,मलेशियाई रिंगित ने 0.305 प्रतिशत की बढ़त हासिल की है।

कच्चा तेल सपाट

पिछले सेशन में भारी गिरावट के बाद मंगलवार को तेल की कीमतों में सुधार हुआ। इसकी वजह US-Iran शांति वार्ता को लेकर बनी थोड़ी उम्मीद थी,जबकि निवेशक होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से कच्चे तेल की सप्लाई फिर से शुरू होने में प्रगति के साफ संकेतों का इंतजार करते दिखे। WTI क्रूड में 0.03 फीसदी की और ब्रेंट क्रूड में 0.23 फीसदी की गिरावट आई है।

सोना सपाट

मंगलवार को सोने की कीमतें स्थिर दिख रहीं हैं, क्योंकि निवेशकों ने अमेरिका-ईरान शांति वार्ता पर नजरें बनाए रखी हैं। जबकि, दिसंबर में फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरें बढ़ाने की बढ़ती उम्मीदों का असर इस मेटल पर पड़ा। कोमेक्स पर गोल्ड में 0.18 फीसदी की गिरावट दिख रही है। वहीं, चांदी 0.74 फीसदी की कमजोरी दिखा रहा है।

विदेशी और घरेलू निवेश के आंकड़ों पर एक नजर

22 जून को विदेशी संस्थागत निवेशक (FIIs) नेट सेलर रहे और उन्होंने 635 करोड़ रुपये के शेयर बेचे। वहीं,घरेलू संस्थागत निवेशकों (DIIs)ने बाजार को सहारा देना जारी रखा और इस दौरान 1,000 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे।

Gold Price Today: लगातार दूसरे दिन चमका सोना, फिसली चांदी, शॉपिंग को निकलने से पहले चेक करें लेटेस्ट रेट

Gold Rate Today In India: अमेरिका और ईरान के बीच शांति समझौते को लेकर बढ़ रही बातचीत और रुपये की कमजोरी ने लगातार दूसरे दिन आज गोल्ड की चमक बढ़ाई है। एक दिन की स्थिरता के बाद राजधानी दिल्ली में दो दिनों में 24 कैरट वाला 10 ग्राम गोल्ड ₹440 और 22 कैरट वाला ₹410 नीचे आया। इससे पहले 20 जून को 24 कैरट वाला 10 ग्राम गोल्ड ₹220 और 22 कैरट वाला ₹200 महंगा हुआ था लेकिन उससे पहले लगातार चार दिनों में 24 कैरट वाला गोल्ड ₹5670 और 22 कैरट वाला ₹5200 सस्ता हुआ था। आज 24 कैरट और 22 कैरट वाला 10 ग्राम गोल्ड ₹10 महंगा हुआ है। चांदी की बात करें तो इंडस्ट्रियल डिमांड सुस्त बने रहने के चलते तीन दिनों की स्थिरता के बाद आज इसके भाव नीचे आए हैं। आज एक किलो चांदी ₹100 सस्ती हुई है।

सिटीवाइज गोल्ड के भाव

देश के 10 बड़े शहरों में 18 कैरट, 22 कैरट और 24 कैरट शुद्धता वाले 10 ग्राम सोने की कीमत क्या है, आइए जानते हैं…

शहर 24 कैरट 10 ग्राम गोल्ड भाव 22 कैरट 10 ग्राम गोल्ड भाव 18 कैरट 10 ग्राम गोल्ड भाव
दिल्ली₹1,46,670 ₹1,34,460 ₹1,10,040
मुंबई ₹1,46,520₹1,34,310 ₹1,09,890
कोलकाता  ₹1,46,520 ₹1,34,310 ₹1,09,890
चेन्नई ₹1,48,360 ₹1,35,990 ₹1,13,690
बेंगलुरु ₹1,46,520 ₹1,34,310 ₹1,09,890
हैदराबाद ₹1,46,520 ₹1,34,310 ₹1,09,890
लखनऊ ₹1,46,670 ₹1,34,460 ₹1,10,040
पटना ₹1,46,570 ₹1,34,360 ₹1,09,940
जयपुर  ₹1,46,670 ₹1,34,460  ₹1,10,040
अहमदाबाद₹1,46,570₹1,34,360₹1,09,940

तीन दिनों की स्थिरता के बाद फिसली चांदी

चांदी की बात करें तो लगातार तीन दिनों की स्थिरता के बाद आज इसके भाव नीचे आए हैं। इससे पहले लगातार तीन दिनों की स्थिरता से पहले लगातार दो दिनों में एक किलो चांदी ₹10,500 सस्ती हुई थी। अब आज की बात करें तो दिल्ली में यह प्रति किग्रा ₹100 ऊपर सस्ती होकर ₹2,49,900 के भाव में बिक रही है। बाकी अहम महानगरों की बात करें तो मुंबई और कोलकाता में भी यह इसी भाव पर बिक रही है। हालांकि चेन्नई में एक किलो चांदी का भाव ₹2,54,900 है यानी चारों महानगरों में सबसे महंगी चांदी चेन्नई में ही है।

Gold Price: अपने रिकॉर्ड स्तर से 28% टूटा गोल्ड! खत्म हो गई तेजी या फिर लौट सकती है चमक?

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए सलाह या विचार एक्सपर्ट/ब्रोकरेज फर्म के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदायी नहीं है। यूजर्स को मनीकंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले हमेशा सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Asian markets today: एशियाई बाजारों में गिरावट, कोस्पी 1.5% टूटा, जापान बॉन्ड यील्ड में बढ़त

Asian Markets Today: मंगलवार, 23 जून की सुबह एशियाई बाजार ज़्यादातर हरे निशान पर ट्रेड कर रहे थे, जबकि US के ईरान पर सेंक्शन हटाने के बाद तेल की कीमतों में सुधार हुआ। साथ ही, इन्वेस्टर्स इस बढ़ती उम्मीद पर भी ध्यान दे रहे थे कि फेडरल रिज़र्व इस साल के आखिर में महंगाई पर ज़्यादा अग्रेसिव रुख अपना सकता है।

एशिया-पैसिफिक इक्विटी गेज, MSCI का बेंचमार्क इंडेक्स भी सावधानी भरे सेंटिमेंट के बीच नीचे आया। जापान के बाज़ार में 0.5% की गिरावट आई, जबकि S&P 500 ई-मिनी फ्यूचर्स 0.2% नीचे आए। इस बीच, ब्रेंट क्रूड फ्यूचर्स 0.2% बढ़कर $78.03 प्रति बैरल पर ट्रेड कर रहा था।

एशियाई बाज़ार

तेल की कीमतों में फिर से मज़बूती आने और ब्याज़ दर बढ़ने की उम्मीद बढ़ने से एशियाई बाज़ारों में ज़्यादातर गिरावट रही। जापान के बाहर एशिया-पैसिफिक शेयरों का MSCI का सबसे बड़ा इंडेक्स 0.5% गिरा। जापान का निक्केई 225 0.36% गिरा, जबकि टॉपिक्स 0.44% गिरा। दक्षिण कोरिया का कोस्पी 1.54% गिरा, जबकि कोसडैक 3.43% गिरा। हांगकांग के हैंग सेंग इंडेक्स फ्यूचर्स ने बढ़त के साथ खुलने का संकेत दिया।

गिफ़्ट निफ्टी 24,149 के लेवल के आसपास ट्रेड कर रहा था, जो निफ्टी फ्यूचर्स के पिछले क्लोज से लगभग 26 पॉइंट्स का प्रीमियम था, जो भारतीय स्टॉक मार्केट इंडेक्स के लिए हल्की पॉज़िटिव शुरुआत का संकेत देता है।

वॉल स्ट्रीट

US स्टॉक मार्केट सोमवार को मिला-जुला रहा, मेगाकैप टेक्नोलॉजी स्टॉक्स में गिरावट के कारण दबाव में रहा।

डॉव जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज 148.01 पॉइंट्स या 0.29% बढ़कर 51,712.71 पर पहुंच गया, जबकि S&P 500 27.79 पॉइंट्स या 0.37% गिरकर 7,472.79 पर आ गया। नैस्डैक कंपोजिट 351.33 पॉइंट्स या 1.32% गिरकर 26,166.60 पर बंद हुआ।

एनवीडिया के स्टॉक की कीमत 0.97% गिरी, AMD के शेयर 2.65% बढ़े, ब्रॉडकॉम के शेयर 4.67% गिरे, एप्पल के स्टॉक की कीमत 0.34% कम हुई, माइक्रोसॉफ्ट के शेयर 3.18% गिरे, अमेज़न के शेयर 4.75% गिरे, अल्फाबेट के शेयर 5.08% गिरे, टेस्ला के स्टॉक की कीमत 1.14% बढ़ी, जबकि स्पेसएक्स के शेयर 16.43% गिरे।

US-ईरान शांति वार्ता

US प्रेसिडेंट डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि ईरान को न्यूक्लियर हथियार बनाने से रोकना, ग्लोबल इकॉनमिक नतीजों की चिंताओं से ज़्यादा ज़रूरी है, जिसमें दुनिया भर में मंदी का खतरा भी शामिल है। इससे पहले, US ने ईरान को 60-दिन का लाइसेंस दिया था, जिससे इस्लामिक रिपब्लिक इंटरनेशनल मार्केट में तेल बेच सकता था।

जापान PMI

जापान के मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में जून में अच्छी ग्रोथ रही। S&P ग्लोबल फ्लैश जापान मैन्युफैक्चरिंग परचेजिंग मैनेजर्स इंडेक्स (PMI) मई के 54.5 से बढ़कर जून में 54.9 हो गया, जो अप्रैल के 55.1 के करीब पहुंच गया, जो जनवरी 2022 के बाद सबसे ज़्यादा बढ़ोतरी थी।

जापान बॉन्ड यील्ड

येन की कमज़ोरी को दूर करने के लिए रेट बढ़ाने की अटकलों के बीच जापानी सरकारी बॉन्ड (JGB) की यील्ड बढ़ी। दो साल की यील्ड 0.5 bps बढ़कर 1.41% हो गई, जबकि पांच साल की यील्ड 0.5 bps बढ़कर 1.91% हो गई। बेंचमार्क 10-साल की JGB यील्ड सेशन में पहले 1 bp बढ़कर 2.680% होने के बाद फ्लैट रही।

कच्चे तेल की कीमतें

US-ईरान शांति वार्ता को लेकर उम्मीद कम होने से कच्चे तेल की कीमतों में उछाल आया। ब्रेंट क्रूड फ्यूचर्स 0.19% बढ़कर $78.05 प्रति बैरल और US वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट 0.39% बढ़कर $74.15 प्रति बैरल हो गया।

आज का सोने का रेट

सोने की कीमतें स्थिर रहीं क्योंकि इन्वेस्टर्स US-ईरान शांति वार्ता का अंदाज़ा लगा रहे थे, जबकि दिसंबर में फेडरल रिजर्व के इंटरेस्ट रेट में बढ़ोतरी की बढ़ती उम्मीदों ने मेटल पर दबाव डाला। स्पॉट गोल्ड की कीमत $4,191.09 प्रति औंस पर स्थिर रही, जबकि अगस्त डिलीवरी के लिए US गोल्ड फ्यूचर्स 0.2% बढ़कर $4,208.40 हो गया। स्पॉट सिल्वर की कीमतें 0.4% गिरकर $64.92 प्रति औंस हो गईं।

डॉलर

US डॉलर इंडेक्स, जो छह करेंसी के मुकाबले डॉलर की ताकत को मापता है, 101.04 पर ट्रेड कर रहा था, जो पिछले साल मई के बाद से अपने सबसे ऊंचे लेवल के करीब है। जापानी येन डॉलर के मुकाबले 161.55 येन पर फ्लैट था, जबकि ब्रिटिश पाउंड $1.3247 पर फ्लैट था।

 

(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।