LPG Cylinder Price: घरेलू और कमर्शियल सिलेंडर की नई कीमत जारी, चेक करें अपने शहर का रेट

LPG Cylinder Price: पेट्रोल-डीजल की तरह रसोई गैस की कीमतों में भी कोई बदलाव नहीं देखा जा रहा है। ऐसे में लोग उम्मीद कर रहे हैं कि कब घरेलू LPG सिलेंडर के दाम कम होंगे। जबकि, हाल ही में कमर्शियल सिलेंडर के दाम कम हुए हैं। फिलहाल दिल्ली में 14.2 किलो वाले सिलेंडर की कीमत 942 रुपये और 19- किलो वाले सिलेंडर की कीमत 2930 रुपये है। बता दें कि बीते 1 जुलाई को कमर्शियल सिलेंडर की कीमतों में 183.50 रुपये की कटौती की गई थी।

चेक करें अपने शहर का रेट

शहर घरेलू सिलेंडर की कीमतकमर्शियल सिलेंडर की कीमत
दिल्ली942.0 रुपये2930.0 रुपये
मुंबई941.5 रुपये2885.5 रुपये
कोलकाता968.0 रुपये3082.0 रुपये
चेन्नई957.5 रुपये3106.0 रुपये
चंडीगढ़951.5 रुपये2954.5 रुपये
देहरादून961.0 रुपये2983.5 रुपये
हैदराबाद934.0 रुपये2052.5 रुपये
भुवनेश्वर968.0 रुपये3115.0 रुपये
तिरुवनंतपुरम 951.0 रुपये2970.5 रुपये

कच्चे तेल की कीमत हुई कम

आज सोमवार को अंतर्राष्ट्रीय बाजारों में कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट आई है। होर्मुज (Strait of Hormuz) से होकर टैंकरों की आवाजाही में सुधार होने और OPEC+ के अगस्त से प्रोडक्शन बढ़ाने के फैसले के चलते ब्रेंट क्रूड की कीमत 72 डॉलर प्रति बैरल से नीचे आ गई है।

कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट के बीच OPEC+ में शामिल देशों ने जुलाई-अगस्त से बाजार में रोजाना करीब 1,88,000 बैरल अतिरिक्त तेल आपूर्ति करने का भी निर्णय लिया है, जिससे आगे चलकर कीमतों में और गिरावट की संभावना जताई जा रही है। वहीं, वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (WTI) क्रूड की कीमत भी घटकर लगभग 68 डॉलर प्रति बैरल के दायरे में आ गई है।

एक्सपर्ट के अनुसार, इससे पता चलता है कि होर्मुज में अमेरिका द्वारा सुरक्षित कॉरिडोर से तेल और गैस की शिपमेंट में सुधार आ रहा है।

LPG की कीमत क्या अब हो जाएगी कम?

अंतरराष्ट्रीय मार्केट में कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट आने के बाद भारत में पेट्रोल, डीजल और LPG के दाम तुरंत कम नहीं होंगे। जानकारों के मुताबिक, अगर कच्चा तेल इसी स्तर पर लंबे समय तक बना रहता है, तो जुलाई के अंत या अगस्त में घरेलू कीमतों में कुछ राहत मिल सकती है।

दरअसल, देश में फिलहाल जो पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की सप्लाई हो रही है, वह पहले ऊंची कीमतों पर खरीदे गए कच्चे तेल से तैयार की गई है। ऐसे में उसका असर अभी बाजार में जारी है। नए और सस्ते कच्चे तेल की खेप को भारत पहुंचने, रिफाइन होने और सप्लाई चेन में आने में थोड़ा समय लगेगा। यही वजह है कि उपभोक्ताओं को कीमतों में तुरंत कमी का फायदा नहीं मिल पाएगा।

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Petrol Diesel Price Today: पेट्रोल-डीजल की नई कीमतें जारी, जानें आपके शहर में कितना है आज का रेट

Petrol Diesel Price Today:  हर दिन की शुरुआत सिर्फ सूरज की किरणों से नहीं होती, बल्कि पेट्रोल और डीजल की नई कीमतों से भी होती है, जो आम आदमी की जेब पर सीधा असर डालती हैं। सुबह 6 बजे देश की तेल विपणन कंपनियां (OMCs) ताजा दरें जारी करती हैं, जो अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों और डॉलर-रुपए की विनिमय दर में आए बदलावों पर आधारित होती हैं। ये बदलाव रोजमर्रा की जिंदगी को प्रभावित करते हैं, चाहे वो ऑफिस जाने वाला व्यक्ति हो या फल-सब्जी बेचने वाला व्यापारी।

ऐसे में हर दिन की कीमतों की जानकारी रखना सिर्फ जरूरी ही नहीं, बल्कि समझदारी भी है। सरकार की यह प्रणाली पारदर्शिता सुनिश्चित करती है ताकि उपभोक्ताओं को किसी तरह की भ्रमित जानकारी न मिले।

आपके शहर में आज का पेट्रोल-डीजल का भाव

ये रहे 06 जुलाई 2026 के प्रमुख शहरों के पेट्रोल-डीजल के ताजा रेट —

नई दिल्ली: पेट्रोल 102.12 रुपये और डीजल 83.09 रुपये प्रति लीटर।

मुंबई: पेट्रोल 111.18 रुपये और डीजल 86 रुपये प्रति लीटर।

कोलकाता: पेट्रोल 113.47 रुपये और डीजल 93.50 रुपये प्रति लीटर।

चेन्नई: पेट्रोल 107.77 रुपये और डीजल 91.50 रुपये प्रति लीटर।

गुरुग्राम: पेट्रोल 102.77 रुपये और डीजल 91.70 रुपये प्रति लीटर।

नोएडा: पेट्रोल 102.12 रुपये और डीजल 91.70 रुपये प्रति लीटर।

बेंगलुरु: पेट्रोल 110.93 रुपये और डीजल 90 रुपये प्रति लीटर।

भुवनेश्वर: पेट्रोल 109.92 रुपये प्रति लीटर।

चंडीगढ़: पेट्रोल 98.10 रुपये प्रति लीटर।

हैदराबाद: पेट्रोल 115.69 रुपये और डीजल 97 रुपये प्रति लीटर।

जयपुर: पेट्रोल 112.66 रुपये और डीजल 90.91 रुपये प्रति लीटर।

लखनऊ: पेट्रोल 102.05 रुपये और डीजल 95.75 रुपये प्रति लीटर।

पटना: पेट्रोल 113.35 रुपये प्रति लीटर।

तिरुवनंतपुरम: पेट्रोल 115.49 रुपये प्रति लीटर।

अहमदाबाद: डीजल 82.25 रुपये प्रति लीटर।

पुणे: डीजल 92.50 रुपये प्रति लीटर।

पिछले दो साल से स्थिर क्यों हैं कीमतें?

मई 2022 के बाद से केंद्र और कई राज्यों द्वारा टैक्स में कटौती की गई, जिसके बाद पेट्रोल-डीजल की कीमतों में स्थिरता देखी जा रही है। हालांकि अंतरराष्ट्रीय बाजार में उतार-चढ़ाव होता रहता है, फिर भी भारतीय उपभोक्ताओं के लिए कीमतें तुलनात्मक रूप से स्थिर बनी हुई हैं।

किन कारणों से तय होती हैं ईंधन की कीमतें?

  1. कच्चे तेल की कीमतें:

पेट्रोल और डीजल का उत्पादन मुख्य रूप से कच्चे तेल से होता है। जब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की कीमतें बढ़ती हैं, तो इसका असर सीधे भारतीय बाजार पर पड़ता है।

  1. डॉलर के मुकाबले रुपया:

भारत अधिकतर कच्चा तेल आयात करता है, और यह डॉलर में खरीदा जाता है। यदि रुपया कमजोर होता है, तो ईंधन महंगा हो जाता है।

  1. सरकारी टैक्स और शुल्क:

केंद्र और राज्य सरकारें पेट्रोल-डीजल पर भारी टैक्स लगाती हैं, जो खुदरा मूल्य का बड़ा हिस्सा होते हैं। यही कारण है कि राज्यों में कीमतों में अंतर होता है।

  1. रिफाइनिंग की लागत:

कच्चे तेल को इस्तेमाल लायक बनाने की प्रक्रिया (रिफाइनिंग) में भी खर्च होता है। ये लागत कच्चे तेल की गुणवत्ता और रिफाइनरी की क्षमता पर निर्भर करती है।

  1. मांग और आपूर्ति का संतुलन:

बाजार में ईंधन की मांग अगर बढ़ जाती है, तो कीमतें भी ऊपर जाने लगती हैं। खासकर त्योहारों, गर्मी या सर्दी के मौसम में ईंधन की खपत ज्यादा होती है।

कैसे करें अपने शहर की कीमतें SMS से चेक?

अगर आप मोबाइल से ईंधन की कीमत जानना चाहते हैं, तो ये प्रक्रिया आसान है:

Indian Oil ग्राहक: अपने शहर का कोड टाइप करें और उसे “RSP” के साथ 9224992249 पर भेजें।

BPCL ग्राहक: “RSP” लिखकर 9223112222 पर भेजें।

HPCL ग्राहक: “HP Price” लिखकर 9222201122 पर भेजें।

Gold Price Today: सोने में गिरावट लौटी, दिल्ली से लेकर चेन्नई तक हुआ सस्ता; अब इतना रह गया भाव

देश में सोने की कीमत में गिरावट लौट आई है। 6 जुलाई की सुबह ज्यादातर शहरों में 24 और 22 कैरेट गोल्ड सस्ता हुआ है। राजधानी दिल्ली में 24 कैरेट गोल्ड की कीमत घटकर 146870 रुपये प्रति 10 ग्राम हो गई है। हालांकि बीते एक सप्ताह में 24 कैरेट गोल्ड की कीमत 2780 रुपये तक ​और 22 कैरेट गोल्ड की कीमत 2550 रुपये तक मजबूत हुई। अंतरराष्ट्रीय बाजार में हाजिर सोना 4,175.02 डॉलर प्रति औंस पर है।

जेपी मॉर्गन का मानना है कि इस साल सोने की कीमतों में बढ़ोतरी तो होगी लेकिन यह सीमित रहेगी। इसका कारण है कि मुख्य सेक्टरों से सोने की मांग उतनी मजबूत नहीं रहेगी, जितनी उसने उम्मीद की थी। तीसरी तिमाही में सोने का भाव 4300 डॉलर प्रति औंस और चौथी तिमाही में 4,500 डॉलर प्रति औंस तक जा सकता है।

देश के कुछ बड़े शहरों में गोल्ड रेट

दिल्ली में सोने की कीमतदिल्ली में 24 कैरेट सोने की कीमत 146870 रुपये प्रति 10 ग्राम है। 22 कैरेट का भाव 134640 रुपये प्रति 10 ग्राम है।

मुंबई और कोलकाता: मुंबई और कोलकाता में 22 कैरेट सोने की कीमत 134490 रुपये प्रति 10 ग्राम, जबकि 24 कैरेट सोने की कीमत 146720 रुपये प्रति 10 ग्राम है।

चेन्नई में सोने की कीमत: 24 कैरेट सोने की कीमत 149450 रुपये प्रति 10 ग्राम है। 22 कैरेट का भाव 134540 रुपये प्रति 10 ग्राम है।

पुणे और बेंगलुरु में कीमत: इन दोनों शहरों में 24 कैरेट गोल्ड की कीमत 146720 रुपये प्रति 10 ग्राम और 22 कैरेट गोल्ड की कीमत 134490 रुपये प्रति 10 ग्राम है।

शहर22 कैरेट सोने का आज का भाव (₹)24 कैरेट सोने का आज का भाव (₹)
दिल्ली134640146870
मुंबई134490146720
अहमदाबाद134810146770
चेन्नई134540149450
कोलकाता134490146720
हैदराबाद134490146720
जयपुर134640146870
भोपाल134540146770
लखनऊ134640146870
चंडीगढ़134640146870

जेपी मॉर्गन का मानना है कि इस साल सोने की कीमतों में बढ़ोतरी तो होगी लेकिन यह सीमित रहेगी। इसका कारण है कि मुख्य सेक्टरों से सोने की मांग उतनी मजबूत नहीं रहेगी, जितनी उसने उम्मीद की थी। तीसरी तिमाही में सोने का भाव 4300 डॉलर प्रति औंस और चौथी तिमाही में 4,500 डॉलर प्रति औंस तक जा सकता है।

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चांदी की कीमत

सोने की तरह चांदी की कीमत में भी गिरावट आई है। 6 जुलाई की सुबह चांदी 249900 रुपये प्रति किलोग्राम पर है। बीते एक सप्ताह में भाव 10000 रुपये बढ़ा। अंतरराष्ट्रीय बाजार में हाजिर चांदी यानि कि स्पॉट सिल्वर की कीमत 62.47 डॉलर प्रति औंस पर है। सोने और चांदी की देश के अंदर कीमतें डोमेस्टिक फैक्टर्स के साथ-साथ ग्लोबल फैक्टर्स से भी प्रभावित होती हैं।

Stocks to Buy: ये 10 स्टॉक्स दे सकते हैं 43% तक रिटर्न, एक्सपर्ट्स ने दी खरीदने की सलाह

Stocks to Buy: ब्रोकरेज हाउसेज ने 10 शेयरों पर खरीदारी की सलाह दी है। इनके लिए 14% से 43% तक के संभावित अपसाइड का अनुमान लगाया गया है। मजबूत बिजनेस आउटलुक, कमाई में सुधार और ग्रोथ की उम्मीद के दम पर इन शेयरों को लेकर ब्रोकरेज का नजरिया पॉजिटिव बना हुआ है।

DLF

ब्रोकरेज Motilal Oswal ने DLF पर ‘Buy’ रेटिंग बरकरार रखी है। ब्रोकरेज ने 775 रुपये का टारगेट प्राइस तय किया है। निवेशकों को यहां करीब 14% तक का रिटर्न मिल सकता है।

ब्रोकरेज का मानना है कि कमर्शियल पोर्टफोलियो से मिलने वाली नियमित आय अगले पांच साल तक ग्रोथ का बड़ा आधार रहेगी। रेजिडेंशियल लॉन्च और मजबूत कलेक्शन से कैश फ्लो भी बेहतर रहेगा।

Hindustan Zinc

Emkay Global ने Hindustan Zinc पर ‘Buy’ रेटिंग बरकरार रखी है। ब्रोकरेज ने 625 रुपये का टारगेट प्राइस दिया है। शेयर में 17% से ज्यादा की बढ़त की संभावना जताई गई है।

ब्रोकरेज का कहना है कि डिमर्जर के बाद कंपनी समूह की वित्तीय और परिचालन मजबूती का अहम आधार बनेगी। रेवेन्यू और EBITDA में इसका सबसे बड़ा योगदान रहने की उम्मीद है।

Dixon Technologies

Investec ने Dixon Technologies पर ‘Buy’ रेटिंग बरकरार रखी है। ब्रोकरेज ने 14,500 रुपये का टारगेट प्राइस दिया है। यानी शेयर में करीब 17% तक का उछाल आ सकता है।

ब्रोकरेज का कहना है कि Vivo के साथ प्रस्तावित जॉइंट वेंचर को मंजूरी मिलने से पहले भी मोबाइल फोन का वॉल्यूम मजबूत रहेगा। एक्सपोर्ट, बैकवर्ड इंटीग्रेशन और नए बिजनेस से भी कमाई बढ़ने की उम्मीद है।

Coforge

ब्रोकरेज फर्म Bank of America ने Coforge पर पहली बार कवरेज शुरू करते हुए ‘Buy’ रेटिंग दी है। ब्रोकरेज ने 1,725 रुपये का टारगेट प्राइस रखा है। इस हिसाब से शेयर में करीब 18% तक की बढ़त देखने को मिल सकती है।

ब्रोकरेज का मानना है कि बैंकिंग, फाइनेंशियल सर्विसेज, सरकारी और ट्रैवल सेक्टर से मजबूत ऑर्डर मिल रहे हैं। इससे वित्त वर्ष 2026 से 2029 के बीच कंपनी की ऑर्गेनिक रेवेन्यू ग्रोथ मजबूत रह सकती है।

Lodha Developers

Motilal Oswal ने Lodha Developers पर ‘Buy’ रेटिंग दोहराई है। ब्रोकरेज ने 1,285 रुपये का टारगेट प्राइस रखा है। यह शेयर करीब 21% तक का रिटर्न दे सकता है।

ब्रोकरेज का मानना है कि नए प्रोजेक्ट लॉन्च, मजबूत एक्सीक्यूशन और लगातार बिजनेस विस्तार से कंपनी अपनी बढ़त बनाए रखेगी। ऑपरेटिंग कैश फ्लो और रेंटल कारोबार का विस्तार भी कमाई को सहारा देगा।

Bharti Airtel

Nomura ने Bharti Airtel को टेलीकॉम सेक्टर में अपनी टॉप पसंद बताया है। ब्रोकरेज ने टारगेट प्राइस 2,220 रुपये से बढ़ाकर 2,355 रुपये कर दिया है। ‘Buy’ रेटिंग भी बरकरार रखी गई है। इस हिसाब से शेयर में करीब 24% तक का अपसाइड मिल सकता है।

ब्रोकरेज का कहना है कि 5G रोलआउट अब लगभग पूरा हो चुका है। इससे पूंजीगत खर्च कम होगा। फ्री कैश फ्लो बढ़ेगा और आने वाले वर्षों में कर्ज भी तेजी से घट सकता है।

MCX

Jefferies ने MCX पर पहली बार कवरेज शुरू करते हुए ‘Buy’ रेटिंग दी है। ब्रोकरेज ने 3,600 रुपये का टारगेट प्राइस रखा है। ब्रोकरेज को शेयर में करीब 28% तक की छलांग की उम्मीद है।

ब्रोकरेज का मानना है कि भारत का कमोडिटी डेरिवेटिव्स बाजार अभी शुरुआती दौर में है। कम पैठ की वजह से आने वाले वर्षों में MCX के लिए ग्रोथ की बड़ी गुंजाइश है।

United Spirits

Antique ने United Spirits पर ‘Buy’ रेटिंग दोहराई है। ब्रोकरेज ने 1,791 रुपये का टारगेट प्राइस दिया है। मौजूदा भाव से शेयर करीब 29% तक चढ़ सकता है।

ब्रोकरेज का कहना है कि तमिलनाडु में डिस्ट्रीब्यूशन सिस्टम में बदलाव का फायदा कंपनी को मिलेगा। इससे राष्ट्रीय ब्रांडों की पहुंच बढ़ेगी। प्रीमियम पोर्टफोलियो की बिक्री को भी सहारा मिलेगा।

RBL Bank

ब्रोकरेज Nuvama ने RBL Bank पर ‘Buy’ रेटिंग दी है। ब्रोकरेज ने 470 रुपये का टारगेट प्राइस रखा है। इस टारगेट के आधार पर शेयर में करीब 30% की तेजी देखने को मिल सकती है।

ब्रोकरेज का कहना है कि बैंक कॉरपोरेट लोन, माइक्रोफाइनेंस और क्रेडिट कार्ड कारोबार की चुनौतियों से काफी हद तक उबर चुका है। Emirates NBD के 26,000 करोड़ रुपये के निवेश से बैंक की पूंजी स्थिति भी मजबूत हुई है।

Jubilant Ingrevia

ब्रोकरेज फर्म Anand Rathi ने Jubilant Ingrevia पर ‘Buy’ रेटिंग दी है। ब्रोकरेज ने शेयर का टारगेट प्राइस 975 रुपये रखा है। मौजूदा भाव 680.95 रुपये के मुकाबले इसमें करीब 43% तक की बढ़त देखने को मिल सकती है।

ब्रोकरेज का कहना है कि वित्त वर्ष 2027 कंपनी के लिए टर्नअराउंड वाला साल साबित हो सकता है। भरूच प्लांट में EBITDA बेहतर होने की उम्मीद है। 6.6 करोड़ डॉलर के कर्ज को कम करने की योजना से बैलेंस शीट मजबूत होगी और वित्तीय जोखिम घटेगा।

Stocks to Watch: सोमवार 6 जुलाई को फोकस में रहेंगे ये 23 स्टॉक्स, मिल सकता है तगड़ी कमाई का मौका

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Elon Musk अब नहीं रहे ट्रिलेनियर, Tesla-SpaceX की बिकवाली से लगा करंट, एक्सपर्ट ने किया सतर्क

दुनिया के पहले और इकलौते ट्रिलेनियर यानी $1 लाख करोड़ से अधिक दौलत वाले शख्स एलॉन मस्क (Elon Musk) को टेस्ला (Tesla) और स्पेसएक्स (SpaceX) के शेयरों की गिरावट से तगड़ा शॉक लगा। इनकी गिरावट से मस्क की दौलत से हजारों करोड़ डॉलर साफ हो गए। अब यह सवाल उठने लगा है कि क्या यह गिरावट अस्थायी है या फिर एआई और स्पेस से जुड़ी हाई-ग्रोथ कंपनियों को लेकर मार्केट की सोच में बड़े बदलाव का संकेत। टेस्ला का शेयर दिसंबर 2025 में एक साल के हाई $498.83 से करीब 21% टूटकर करीब $393 पर है। वहीं अब तक के सबसे बड़ा आईपीओ लाने के बाद 12 जून को नास्डाक पर लिस्ट हुई स्पेसएक्स $225.64 के रिकॉर्ड हाई से करीब 30% टूटकर अब $157-158 के करीब आ चुका है। इस गिरावट के कारण एलन मस्क की नेटवर्थ स्पेसएक्स की लिस्टिंग के तुरंत बाद अपने $1.45 ट्रिलियन के रिकॉर्ड हाई से घटकर $1 ट्रिलियन से नीचे आ गई है।

प्रॉफिट बुकिंग है या गहरी गिरावट?

वेस्टेड फाइनेंस के सीईओ और फाउंडर विक्रम शाह का मानना है कि टेस्ला और स्पेसएक्स की गिरावट की दोनों वजहें हैं- प्रॉफिट बुकिंग और गहरी गिरावट। शेयरों की तेज रैली के बाद निवेशकों ने पैसा निकाला शुरू किया तो इस पर दबाव पड़ा। इसके अलावा मार्केट ने अब एआई और स्पेस इकॉनमी से जुड़ी कंपनियों का वैल्यूएशन फिर से करना शुरू किया है। ऐसे में यह अनुमान लगाना मुश्किल है कि वैल्यूएशन आखिर कहां स्थिर होंगे।

विक्रम शाह के मुताबिक टेस्ला और स्पेसएक्स के सिर्फ शेयर ही टूटे हैं, बिजनेस के स्तर पर अभी भी ज्यादा कुछ नहीं टूटा है। उन्होंने जिक्र किया कि टेस्ला ने अभी हाल में अपना सबसे मजबूत तिमाही डिलीवरी आंकड़ा पेश किया है, फिर भी शेयर टूटे हैं। इससे संकेत मिल रहा है कि निवेशक अभी कंपनी के इलेक्ट्रिक वेईकल बिजनेस की बजाय उसके लंबे समय के ऑटोनॉमस ड्राइविंग और रोबोटैक्सी विजन पर अधिक ध्यान दे रहे हैं। स्पेसएक्स की स्थिति भी ऐसी ही है। स्टारलिंक लगातार प्रॉफिटेबल तरीके से बढ़ रहा है और कंपनी का लॉन्च बिजनेस भी विस्तार कर रहा है, लेकिन पोस्ट-लिस्टिंग शुरुआती तेजी के बाद शेयरों पर दबाव आया है।

क्या करना चाहिए भारतीय निवेशकों को?

विक्रम शाह के मुताबिक टेस्ला और स्पेसएक्स की गिरावट खरीदें या बेचें, फैसले जितना साधारण नहीं है बल्कि उन्होंने निवेशकों को सलाह दी है कि पोर्टफोलियो एलोकेशन और निवेश के लॉन्ग-टर्म गोल्स पर फोकस करना चाहिए। उनका कहना है कि एआई और स्पेस में 5–10 साल के लिए निवेश कर रहे हैं तो कुछ हफ्तों की गिरावट से ज्यादा फर्क नहीं पड़ना चाहिए। उन्होंने निवेशकों को यह भी देखने की सलाह दी है कि कहीं इन शेयरों में उनका एक्सपोजर पहले की तेजी के कारण जरूरत से ज्यादा तो नहीं हो गया है। साथ ही उन्होंने भारतीय निवेशकों को बिना सोचे-समझे नई लिस्ट हुई हाई-वैल्यू अमेरिकी कंपनियों में निवेश करने से सावधान किया। उनका मानना है कि अमेरिकी स्टॉक्स में निवेश इतना छोटा होना चाहिए कि शॉर्ट-टर्म उतार-चढ़ाव से पूरा पोर्टफोलियो प्रभावित न हो।

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भारत के इंजीनियरों से ज्यादा पैसे और इज्जत कमाते हैं ऑस्ट्रेलिया के प्लंबर! वहां रहने वाले ऐडी खानेजा ने बताई गजब की बात

सोशल मीडिया पर एक भारतीय युवक का वीडियो इन दिनों खूब चर्चा में है। ऑस्ट्रेलिया में रहने वाले इस युवक ने वहां प्लंबर, इलेक्ट्रिशियन और बढ़ई जैसे स्किल्ड प्रोफेशन को मिलने वाली कमाई और सम्मान पर अपनी राय साझा की है। उनका कहना है कि इन कामों को वहां सिर्फ रोजगार नहीं, बल्कि सम्मानजनक करियर माना जाता है। उनके वीडियो ने भारत में स्किल्ड ट्रेड्स को लेकर लोगों की सोच पर नई बहस छेड़ दी है।

यहां प्लंबर बनना भी लोगों का सपना है’

वीडियो में युवक बताते हैं कि भारत में अक्सर पढ़ाई में कमजोर बच्चों को ताना दिया जाता है कि वे बड़े होकर प्लंबर, बढ़ई या इलेक्ट्रिशियन बनेंगे। लेकिन ऑस्ट्रेलिया में स्थिति बिल्कुल अलग है। वहां कई युवा खुद इन पेशों को चुनना चाहते हैं क्योंकि इनमें अच्छी कमाई और बेहतर भविष्य मिलता है।

15 मिनट के काम के मिले हजारों रुपये

उन्होंने एक निजी अनुभव साझा करते हुए बताया कि उनके घर का ताला खराब हो गया था। इसे ठीक करने के लिए उन्होंने एक बढ़ई को बुलाया। बढ़ई ने सिर्फ 15 मिनट में काम पूरा किया और इसके लिए 150 ऑस्ट्रेलियाई डॉलर फीस ली। उनका कहना था कि ऐसे कामों की वहां अच्छी कीमत दी जाती है।

सैलरी सुनकर रह जाएंगे हैरान

युवक के मुताबिक, ऑस्ट्रेलिया में एक कंस्ट्रक्शन मैनेजर सालाना करीब 2 लाख ऑस्ट्रेलियाई डॉलर तक कमा सकता है। वहीं प्लंबर और इलेक्ट्रिशियन भी आसानी से 1.2 लाख ऑस्ट्रेलियाई डॉलर या उससे अधिक की कमाई कर लेते हैं।

अब बेटे को इंजीनियर नहीं, बढ़ई बनाना चाहूंगा’

वीडियो में उन्होंने मजाकिया अंदाज में कहा कि अब वह शायद पहले भारतीय पिता होंगे जो अपने बच्चे से इंजीनियर या डॉक्टर बनने के बजाय बढ़ई का काम सीखने को कहेंगे। उनका मानना है कि इससे अच्छी कमाई भी होगी और रोजमर्रा के छोटे-मोटे कामों के लिए दूसरों पर निर्भर भी नहीं रहना पड़ेगा।

सिर्फ पैसे नहीं, सम्मान भी मिलता है

उनका कहना है कि ऑस्ट्रेलिया में हाथ से काम करने वाले लोगों को काफी सम्मान दिया जाता है। प्लंबर, इलेक्ट्रिशियन और बढ़ई जैसे पेशों को वहां किसी भी दूसरे प्रोफेशन की तरह सम्मानजनक माना जाता है। उनके मुताबिक, भारत में अभी भी इन कामों को उतनी इज्जत नहीं मिलती।

लोगों की मिली-जुली प्रतिक्रिया

वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर लोगों की अलग-अलग राय सामने आई। कुछ यूजर्स ने कहा कि ऑस्ट्रेलिया में न्यूनतम वेतन और स्किल ट्रेनिंग सिस्टम की वजह से इन नौकरियों की अच्छी कमाई होती है। वहीं कुछ लोगों का मानना था कि आज भी इंजीनियरिंग और दूसरे प्रोफेशन में कमाई की संभावनाएं अधिक हैं। इस वीडियो ने एक बार फिर स्किल-बेस्ड प्रोफेशन और उनके सम्मान को लेकर बहस छेड़ दी है।

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LPG Price Today: एलपीजी उपभोक्ताओं को राहत! घरेलू और कमर्शियल सिलेंडर के नए रेट जारी, देखें- राज्यवार डिटेल्स

LPG Price Today: देशभर में एलपीजी उपभोक्ताओं के लिए राहत की खबर है। आज (5 जुलाई) भी 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू LPG सिलेंडर की कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया गया है। यानी आम उपभोक्ताओं को पहले की तरह ही पुराने दाम पर सिलेंडर मिलेगा। कमर्शियल उपभोक्ताओं को भी कीमतों में बड़ी कटौती का फायदा मिलेगा। अब उपभोक्ताओं की नजर अगले मासिक कीमत संशोधन पर रहेगी, जहां अंतरराष्ट्रीय बाजार की स्थिति के अनुसार नए दाम तय किए जाएंगे।

जुलाई की शुरुआत राहत भरी

जुलाई 2026 में एलपीजी, सीएनजी और पीएनजी उपभोक्ताओं के लिए राहत की खबर है। 14.2 किलोग्राम घरेलू LPG सिलेंडर, CNG और PNG की कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया गया है। वहीं, 19 किलोग्राम वाले कमर्शियल LPG सिलेंडर की कीमतों में 1 जुलाई से ₹173 से ₹183.50 तक की कटौती की गई है।

कमर्शियल उपभोक्ताओं को बड़ी राहत

इंडियन ऑयल ने वर्ष 2026 में पहली बार कमर्शियल LPG सिलेंडर के दाम घटाए हैं। इस फैसले से होटल, रेस्तरां, ढाबों, कैटरिंग और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों की लागत में कमी आने की उम्मीद है।

घरेलू गैस की सप्लाई सामान्य

सरकार ने स्पष्ट किया है कि पश्चिम एशिया में हालिया तनाव के बावजूद देशभर में घरेलू LPG, PNG और CNG की आपूर्ति पूरी तरह सामान्य बनी हुई है। साथ ही, होटल और रेस्तरां जैसे व्यावसायिक उपभोक्ताओं को भी अब पहले की तरह नियमित गैस आपूर्ति मिल रही है।

ATF भी हुआ सस्ता

कमर्शियल LPG के साथ-साथ एविएशन टर्बाइन फ्यूल (ATF) की कीमतों में भी ₹5 प्रति लीटर की कटौती की गई है। इसके बाद दिल्ली में ATF का नया रेट ₹110 प्रति लीटर हो गया है। इससे एयरलाइंस की परिचालन लागत कम होने की संभावना है।

पश्चिम एशिया संकट का असर

हालांकि, साल 2026 की पहली छमाही में भारत की LPG खपत में 8% की गिरावट दर्ज की गई। इसका मुख्य कारण पश्चिम एशिया में संघर्ष के चलते होर्मुज जलडमरूमध्य के रास्ते LPG आयात प्रभावित होना रहा। जनवरी से जून के बीच देश की LPG खपत करीब 1.47 करोड़ टन रही, जबकि पिछले वर्ष इसी अवधि में यह लगभग 1.60 करोड़ टन थी।

अमेरिका बना सबसे बड़ा सप्लायर

मार्च से जून 2026 के दौरान अमेरिका भारत का सबसे बड़ा LPG सप्लायर बनकर उभरा। मई महीने में गैस की खपत घटकर पिछले पांच वर्षों के सबसे निचले स्तर पर पहुंच गई थी। हालांकि अब आपूर्ति व्यवस्था सामान्य होने लगी है।

जुलाई की मुख्य बातें

घरेलू 14.2 किलोग्राम LPG: कोई बदलाव नहीं।

CNG और PNG: कीमतें स्थिर हैं।

19 किलोग्राम कमर्शियल LPG: ₹173–₹183.50 तक सस्ता।

ATF: ₹5 प्रति लीटर की कटौती।

सरकार कादावा: देशभर में LPG, CNG और PNG की पर्याप्त आपूर्ति जारी है।

भारत में एलपीजी (LPG) सिलेंडर की नई कीमतें हर महीने की पहली तारीख को जारी की जाती हैं। तेल कंपनियां (जैसे- इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम) हर महीने अंतरराष्ट्रीय बाजार में एलपीजी की कीमतों, कच्चे तेल के रुझान, रुपये-डॉलर की कीमत और अन्य बाजार कारकों की समीक्षा करती हैं। फिर उसके आधार पर नई दरें लागू करती हैं।

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मुख्य बातें

  • कीमतें हर महीने की 1 तारीख को अपडेट होती हैं।
  • घरेलू बनाम कमर्शियल: 19 किलो वाले कमर्शियल सिलेंडर की कीमतों में हर महीने बदलाव होता है क्योंकि यह सीधे अंतरराष्ट्रीय बेंचमार्क से जुड़ा होता है। वहीं, 14.2 किलो वाले घरेलू सिलेंडर की कीमतों में बदलाव सरकार की नीतियों और सब्सिडी के आधार पर तय होता है।

लेटेस्ट रेट चेक करने के तरीके: आप अपने शहर के सटीक रेट इंडेन, भारत गैस या एचपी गैस की आधिकारिक वेबसाइटों, उनके मोबाइल ऐप या अपने गैस वितरक (डिस्ट्रीब्यूटर) से संपर्क करके जान सकते हैं।

Petrol Diesel Price Today: पेट्रोल-डीजल की नई कीमतें जारी, 5 जुलाई के ताजा रेट यहां देखें

Petrol Diesel Price Today:  हर दिन की शुरुआत सिर्फ सूरज की किरणों से नहीं होती, बल्कि पेट्रोल और डीजल की नई कीमतों से भी होती है, जो आम आदमी की जेब पर सीधा असर डालती हैं। सुबह 6 बजे देश की तेल विपणन कंपनियां (OMCs) ताजा दरें जारी करती हैं, जो अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों और डॉलर-रुपए की विनिमय दर में आए बदलावों पर आधारित होती हैं। ये बदलाव रोजमर्रा की जिंदगी को प्रभावित करते हैं, चाहे वो ऑफिस जाने वाला व्यक्ति हो या फल-सब्जी बेचने वाला व्यापारी।

ऐसे में हर दिन की कीमतों की जानकारी रखना सिर्फ जरूरी ही नहीं, बल्कि समझदारी भी है। सरकार की यह प्रणाली पारदर्शिता सुनिश्चित करती है ताकि उपभोक्ताओं को किसी तरह की भ्रमित जानकारी न मिले।

आपके शहर में आज का पेट्रोल-डीजल का भाव

ये रहे 05 जुलाई 2026 के प्रमुख शहरों के पेट्रोल-डीजल के ताजा रेट —

नई दिल्ली: पेट्रोल 102.12 रुपये और डीजल 83.09 रुपये प्रति लीटर।

मुंबई: पेट्रोल 111.18 रुपये और डीजल 86 रुपये प्रति लीटर।

कोलकाता: पेट्रोल 113.47 रुपये और डीजल 93.50 रुपये प्रति लीटर।

चेन्नई: पेट्रोल 107.77 रुपये और डीजल 91.50 रुपये प्रति लीटर।

गुरुग्राम: पेट्रोल 102.77 रुपये और डीजल 91.70 रुपये प्रति लीटर।

नोएडा: पेट्रोल 102.12 रुपये और डीजल 91.70 रुपये प्रति लीटर।

बेंगलुरु: पेट्रोल 110.93 रुपये और डीजल 90 रुपये प्रति लीटर।

भुवनेश्वर: पेट्रोल 109.92 रुपये प्रति लीटर।

चंडीगढ़: पेट्रोल 98.10 रुपये प्रति लीटर।

हैदराबाद: पेट्रोल 115.69 रुपये और डीजल 97 रुपये प्रति लीटर।

जयपुर: पेट्रोल 112.66 रुपये और डीजल 90.91 रुपये प्रति लीटर।

लखनऊ: पेट्रोल 102.05 रुपये और डीजल 95.75 रुपये प्रति लीटर।

पटना: पेट्रोल 113.35 रुपये प्रति लीटर।

तिरुवनंतपुरम: पेट्रोल 115.49 रुपये प्रति लीटर।

अहमदाबाद: डीजल 82.25 रुपये प्रति लीटर।

पुणे: डीजल 92.50 रुपये प्रति लीटर।

पिछले दो साल से स्थिर क्यों हैं कीमतें?

मई 2022 के बाद से केंद्र और कई राज्यों द्वारा टैक्स में कटौती की गई, जिसके बाद पेट्रोल-डीजल की कीमतों में स्थिरता देखी जा रही है। हालांकि अंतरराष्ट्रीय बाजार में उतार-चढ़ाव होता रहता है, फिर भी भारतीय उपभोक्ताओं के लिए कीमतें तुलनात्मक रूप से स्थिर बनी हुई हैं।

किन कारणों से तय होती हैं ईंधन की कीमतें?

  1. कच्चे तेल की कीमतें:

पेट्रोल और डीजल का उत्पादन मुख्य रूप से कच्चे तेल से होता है। जब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की कीमतें बढ़ती हैं, तो इसका असर सीधे भारतीय बाजार पर पड़ता है।

  1. डॉलर के मुकाबले रुपया:

भारत अधिकतर कच्चा तेल आयात करता है, और यह डॉलर में खरीदा जाता है। यदि रुपया कमजोर होता है, तो ईंधन महंगा हो जाता है।

  1. सरकारी टैक्स और शुल्क:

केंद्र और राज्य सरकारें पेट्रोल-डीजल पर भारी टैक्स लगाती हैं, जो खुदरा मूल्य का बड़ा हिस्सा होते हैं। यही कारण है कि राज्यों में कीमतों में अंतर होता है।

  1. रिफाइनिंग की लागत:

कच्चे तेल को इस्तेमाल लायक बनाने की प्रक्रिया (रिफाइनिंग) में भी खर्च होता है। ये लागत कच्चे तेल की गुणवत्ता और रिफाइनरी की क्षमता पर निर्भर करती है।

  1. मांग और आपूर्ति का संतुलन:

बाजार में ईंधन की मांग अगर बढ़ जाती है, तो कीमतें भी ऊपर जाने लगती हैं। खासकर त्योहारों, गर्मी या सर्दी के मौसम में ईंधन की खपत ज्यादा होती है।

कैसे करें अपने शहर की कीमतें SMS से चेक?

अगर आप मोबाइल से ईंधन की कीमत जानना चाहते हैं, तो ये प्रक्रिया आसान है:

Indian Oil ग्राहक: अपने शहर का कोड टाइप करें और उसे “RSP” के साथ 9224992249 पर भेजें।

BPCL ग्राहक: “RSP” लिखकर 9223112222 पर भेजें।

HPCL ग्राहक: “HP Price” लिखकर 9222201122 पर भेजें।

Viral Post: 500 जॉब एप्लिकेशन के बाद भी नहीं आया इंटरव्यू कॉल…खर्च चलाने के लिए रैपिडो चला रहा कंप्यूटर साइंस ग्रेजुएट

आज के समय में नए ग्रेजुएट्स के लिए नौकरी पाना पहले से ज्यादा चुनौतीपूर्ण हो गया है। पढ़ाई पूरी करने के बाद भी कई युवाओं को लंबे समय तक अच्छी नौकरी नहीं मिल रही। कई जगह आवेदन करने के बावजूद अबतक इंटरव्यू का मौका नहीं मिला। इसके बाद कुछ युवाओं को अपने खर्च पूरे करने के लिए अस्थायी या छोटे-मोटे काम करने पड़ रहे हैं। हाल ही में एक ऐसी ही कहानी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है।

एक X यूजर ने रैपिडो राइडर से हुई अपनी मुलाकात शेयर किया। राइडर ने बताया कि उसने इस साल कंप्यूटर साइंस में ग्रेजुएशन पूरा किया है, लेकिन अब तक उसे पहली नौकरी नहीं मिल सकी। ये पोस्ट तेजी से वायरल हो रही है और कई लोग इसे आज के समय में फ्रेशर्स के सामने मौजूद रोजगार की चुनौतियों की सच्ची तस्वीर बता रहे हैं।

युवक ने किया पोस्ट

यह कहानी X यूजर नीरज ने शेयर किया है। उन्होंने बताया कि, “रैपिडो की सवारी के दौरान उनकी नजर राइडर के हेलमेट पर लगे एक कॉलेज के स्टिकर पर पड़ी। इसके बाद ट्रैफिक सिग्नल पर रुकने के दौरान उन्होंने उससे 10 मिनट तक बातचीत शुरू की। बातचीत में राइडर ने बताया कि उसने इस साल कंप्यूटर साइंस में फर्स्ट डिवीजन के साथ ग्रेजुएशन किया है।” पोस्ट में आगे कहा, “पढ़ाई पूरी होने के दो महीने बाद भी नौकरी नहीं मिलने के कारण वह रोज सुबह 6 बजे से रैपिडो चलाकर अपना खर्च चला रहा है। युवक ने यह भी बताया कि वह 500 से ज्यादा कंपनियों में नौकरी के लिए आवेदन कर चुका है, लेकिन अब तक उसे किसी भी कंपनी से इंटरव्यू का कॉल नहीं आया।”

घर वालों को नहीं पता

नीरज ने अपनी पोस्ट में लिखा कि युवक ने बताया, “उसके माता-पिता अब भी यही समझते हैं कि वह घर पर रहकर इंटरव्यू की तैयारी कर रहा है। उसने उन्हें यह नहीं बताया कि वह रैपिडो चला रहा है, क्योंकि उसे समझ नहीं आ रहा कि अपनी स्थिति उनके सामने कैसे रखे।” नीरज के मुताबिक, “युवक ने बिना किसी शिकायत के सिर्फ इतना कहा कि फिलहाल नौकरी का बाजार ऐसा ही है और फिर वह अपनी राइड पूरी करने में लग गया।” पोस्ट के आखिर में नीरज ने लिखा कि, “उन्हें लगता है ये सिर्फ एक युवक की कहानी नहीं है, बल्कि आज के समय में कई फ्रेश ग्रेजुएट्स इसी तरह की मुश्किलों का सामना कर रहे हैं।”

पोस्ट पर लोगों ने किया रिएक्ट

इस पोस्ट पर बड़ी संख्या में लोगों ने अपनी रिएक्शन दिए। एक यूजर ने कहा, “3 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था में भी युवाओं को ऐसी स्थिति का सामना करना पड़ रहा है।” वहीं, एक अन्य यूजर ने सिर्फ “OMG” लिखकर अपनी हैरानी जताई। कई लोगों ने यह भी कहा कि आजकल बहुत से नए ग्रेजुएट्स नौकरी की तलाश के साथ-साथ गिग वर्क या पार्ट-टाइम काम करने को मजबूर हैं। उनका मानना है कि मौजूदा समय में फ्रेशर्स के लिए नौकरी हासिल करना पहले से कहीं ज्यादा कठिन हो गया है।

BLA का दावा- हमले में 30 पाकिस्तानी जवान मारे:कैंप में विस्फोटकों से भरी गाड़ी से ब्लास्ट किया; पाकिस्तान सरकार ने पुष्टि नहीं की

बलूच लिबरेशन आर्मी (BLA) ने दावा किया है कि उसने पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत के ग्वादर जिले के जिवानी इलाके में पाकिस्तान कोस्ट गार्ड्स के कैंप पर हमला किया है। BLA के मुताबिक, 3 जुलाई की शाम करीब 6:32 बजे उसके मजीद ब्रिगेड के एक हमलावर ने विस्फोटकों से भरी गाड़ी को कैंप में घुसाकर विस्फोट कर दिया। संगठन का दावा है कि इस हमले में 30 से ज्यादा गार्ड्स मारे गए और दर्जनों घायल हुए हैं। हालांकि, पाकिस्तान सरकार या सेना ने अब तक इस दावे की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। कई सुरक्षाकर्मी मलबे में दबे हो सकते हैं BLA ने दावा किया कि विस्फोट इतना शक्तिशाली था कि पाकिस्तान कोस्ट गार्ड्स का कैंप पूरी तरह तबाह हो गया। संगठन के मुताबिक, धमाके के तुरंत बाद उसके फतेह स्क्वाड के लड़ाकों ने कैंप पर हमला किया और बच गए सुरक्षाकर्मियों को नजदीक से निशाना बनाया। BLA ने कहा कि मलबे में कई सुरक्षाकर्मी दबे हो सकते हैं, इसलिए मरने वालों की संख्या बढ़ सकती है। BLA के इन दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है। हमलावर की पहचान अत्ताउल्लाह बलोच के रूप में हुई BLA ने अपने बयान में दावा किया कि हमलावर की पहचान अत्ताउल्लाह बलोच उर्फ अजमल के रूप में हुई है, जिसे संगठन ने अपने मजीद ब्रिगेड का सदस्य बताया। BLA का कहना है कि वह इस ऑपरेशन से जुड़ी अधिक जानकारी और वीडियो अपने आधिकारिक चैनलों के जरिए जारी करेगा। BLA बलूचिस्तान की आजादी के लिए लड़ रहा बलूच लिबरेशन आर्मी (BLA) एक संगठन है जो पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत की स्वतंत्रता के लिए लड़ रहा है। इसकी स्थापना 2000 के दशक की शुरुआत में हुई और इसे कई देशों द्वारा आतंकी संगठन भी घोषित किया गया है। BLA का दावा है कि बलूचिस्तान के प्राकृतिक संसाधनों का शोषण हो रहा है और बलूच लोगों के अधिकार छीन लिए गए हैं। यह संगठन पाकिस्तानी सेना, सरकार और चीनी प्रोजेक्ट्स जैसे CPEC को निशाना बनाता रहा है। BLA अपनी गुरिल्ला शैली के लिए जाना जाता है। यानी पहाड़ी इलाकों में छिपकर सेना पर हमला करना और तुरंत वापस लौट जाना। CPEC का अहम केंद्र है ग्वादर ग्वादर जिला पाकिस्तान के रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण डीप-सी पोर्ट का केंद्र है और हाल के सालों में उग्रवादी गतिविधियों का प्रमुख निशाना रहा है। यह इलाका चीन-पाकिस्तान आर्थिक गलियारा (CPEC) का अहम हिस्सा है। अरबों डॉलर की इस बुनियादी ढांचा परियोजना को बलूचिस्तान में सक्रिय अलगाववादी संगठनों की ओर से लगातार सुरक्षा चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है। —————– ये खबर भी पढ़ें… PoK में प्रदर्शन, लोग बोले- हम पाकिस्तान का हिस्सा नहीं:₹1 करोड़ का इनामी शौकत नवाज गिरफ्तार; JAAC के 600 से ज्यादा नेता-कार्यकर्ता हिरासत में पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (PoK) में पाकिस्तान सरकार के खिलाफ प्रदर्शन तेज हो गए हैं। रावलकोट के ईदगाह ग्राउंड में हजारों लोग जुटे। उन्हेंने कहा कि PoK पाकिस्तान का हिस्सा नहीं है। यह आंदोलन जम्मू-कश्मीर अवामी एक्शन कमेटी (JAAC) की अगुआई में चल रहा है। पूरी खबर पढ़ें…