Gold-Silver in Jun Quarter: सोने के लिए दस साल की सबसे कमजोर तिमाही, चार वर्षों में सबसे तेज फिसल रही चांदी

Gold and Silver News: यह तिमाही खत्म होने में अब कुछ ही दिन बचे हैं और सोने-चांदी की जैसी चाल है, उस हिसाब से जून 2026 तिमाही इनके लिए झटका साबित हो रहा है। यह निगेटिव जोन में एंट्री करने जा रहा है और इसके साथ ही लगातार पांच तिमाहियों से जारी बढ़त का सिलसिला टूट जाएगा। गोल्ड की हालत तो और खराब है क्योंकि यह दस साल की सबसे बड़ी तिमाही गिरावट की तरफ बढ़ रहा है, तो चांदी की चमक चार साल में सबसे अधिक फीकी होने वाली है। एक्सपर्ट्स के मुताबिक सोने और चांदी की लगातार गिरावट अमेरिकी डॉलर की मजबूती, अमेरिकी बॉन्ड यील्ड के हाई लेवल पर बने रहने और फेडरल रिजर्व का ब्याज दरों को लेकर बदलते रुझान के चलते है। चूंकि सोना और चांदी पर कोई ब्याज नहीं मिलता तो लंबे समय तक ऊंची ब्याज दरों का माहौल इन्हें अमेरिकी ट्रेजरी जैसे निश्चित आय वाले निवेश विकल्पों की तुलना में कम आकर्षक बना देता है।

कितना फीका हुआ सोना-चांदी?

जून तिमाही में अब तक गोल्ड के भाव 12% नीचे आ चुके हैं जो दिसंबर 2016 के बाद इसकी सबसे बड़ी तिमाही गिरावट है। वहीं चांदी 17.6% फिसल चुकी है, जो जून 2022 के बाद इसकी सबसे तेज गिरावट है। हालांकि अगर रिकॉर्ड हाई से तुलना करें तो स्थिति और भी गंभीर दिखाई देती है। गोल्ड प्रति औंस (28.35 ग्राम) $5,417 के रिकॉर्ड हाई से 24% नीचे आ चुका है तो 28 जनवरी को प्रति औंस $117 के रिकॉर्ड हाई से चांदी लगभग 47% गिर चुकी है।

सोने-चांदी की यह गिरावट पिछले दो साल में ताबड़तोड़ तेजी के बाद आई है। साल 2024 में 28% और साल 2025 में 65% की बढ़त के बाद, जनवरी और मार्च 2026 के बीच सोने की कीमत में 10% की तेजी आई तो दूसरी तरफ साल 2024 में 22% और साल 2025 में 148% चढ़ने के बाद जनवरी और फरवरी 2026 में चांदी की कीमत 28% बढ़ी।

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कब तक बना रहेगा दबाव

अमेरिका और ईरान के बीच जंग ने सोने-चांदी पर दबाव डाला था लेकिन यह दबाव तब भी जारी रहा, जब इनके बीच शांति समझौता हो गया। पश्चिमी एशिया में युद्ध ने तेल की कीमतों में आग लगा दी थी और सख्त मौद्रिक नीतियों के आसार बढ़ा दिए। अब अमेरिकी फेड ने मौद्रिक नीतियों की हालिया बैठक के बाद नए चेयरमैन केविन वार्श ने फिलहाल ब्याज दरों में किसी बढ़ोतरी का ऐलान तो नहीं किया लेकिन इस साल एक बार दर बढ़ाने के संकेत दिए। इसने निवेशकों की चिंता बढ़ी दी और अमेरिका-ईरान के समझौते के पॉजिटिव इफेक्ट को फीका कर दिया। अमेरिकी फेड के मौद्रिक नीतियों के कमेटी की हालिया बैठक के बाद से डॉलर इंडेक्स 1% से अधिक मजबूत हो चुका है।

एक्सिस डायरेक्ट के सीनियर रिसर्च एनालिस्ट (कमोडिटीज) देवेया गागलानी (Deveya Gaglani) का कहना है कि जियो-पॉलिटिकल टेंशन कम होने और कच्चे तेल की फिसलन के बावजूद अमेरिकी फेड के सख्त रुख, हाई इनफ्लेशन और डॉलर इंडेक्स में तेज उछाल के कारण बुलियन यानी सोना-चांदी पर दबाव बना हुआ है। डॉलर इंडेक्स हाल ही में एक साल के हाई लेवल पर पहुंच गया। देवेया के अनुसार जब तक डॉलर $100 से ऊपर बना रहेगा, तब तक सोने और चांदी पर दबाव बना रहा सकता है।

अब किस बात पर रहेगी नजर

हाल ही में शिकागो फेडरल रिजर्व बैंक के प्रेसिडेंट ऑस्टन गूल्सबी (Austan Goolsbee) ने कहा था कि उन्हें महंगाई बढ़ने की रफ्तार को लेकर चिंता है और यह पक्के तौर पर नहीं कहा जा सकता है है कि महंगाई बढ़ाने वाले सभी फैक्टर्स अस्थायी हैं या नहीं। उन्होंने कहा कि अमेरिकी अर्थव्यवस्था लंबे समय से लक्ष्य से कहीं अधिक मुद्रास्फीति या इनफ्लेशन की समस्या से जूझ रही है और हाल के रुझान सही दिशा में नहीं हैं। अब कारोबारियों और निवेशकों की नजर गुरुवार को जारी होने वाले अमेरिकी पर्सनल कंजम्पशन एक्सपेंडिचर (PCE) प्राइस इंडेक्स पर होगी, जिसके तेज होने के आसार हैं। इसका असर फेडरल रिजर्व की ब्याज दर करने वाली नीति पर दिख सकता है।

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए सलाह या विचार एक्सपर्ट/ब्रोकरेज फर्म के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदायी नहीं है। यूजर्स को मनीकंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले हमेशा सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Share Market Live Update: गिफ्ट निफ्टी दे रहा संकेत, मजबूत हो सकती है भारतीय बाजार की शुरुआत

Share Market Live Update: ग्लोबल मार्केट से मिले मिले-जुले संकेतों और US मार्केट में टेक्नोलॉजी स्टॉक्स की वजह से हुई बिकवाली को देखते हुए, भारतीय स्टॉक मार्केट के बेंचमार्क इंडेक्स, सेंसेक्स और निफ्टी 50, बुधवार को फ्लैट खुलने की संभावना है।

गिफ्ट निफ्टी के ट्रेंड्स भी भारतीय बेंचमार्क इंडेक्स के लिए धीमी शुरुआत का संकेत दे jरहा है।गिफ्ट निफ्टी 23,871.00 के लेवल के आसपास ट्रेड कर रहा था, जो निफ्टी फ्यूचर्स के पिछले क्लोज से लगभग 60.50 पॉइंट्स का प्रीमियम है।

मंगलवार को, भारतीय स्टॉक मार्केट में अलग-अलग सेगमेंट में बिकवाली की नई लहर के बीच गिरावट आई, जिसमें दोनों बेंचमार्क इंडेक्स 1% से ज़्यादा गिर गए।सेंसेक्स 893.39 पॉइंट्स या 1.16% गिरकर 76,200.68 पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी 50 278.80 पॉइंट्स या 1.16% गिरकर 23,824.10 पर बंद हुआ।

SpaceX Shares: तीन दिनों में ₹56 लाख करोड़ स्वाहा, Elon Musk की स्पेस एक्स तीसरे दिन धड़ाम, 16% की भारी गिरावट

SpaceX Shares: अमेरिकी स्टॉक मार्केट में नैस्डैक (Nasdaq) पर धांसू एंट्री के बाद एलॉन मस्क (Elon Musk) की स्पेसएक्स की रफ्तार अब सुस्त पड़ती दिख रही है। लगातार तीसरे दिन सोमवार 22 जून को इसके शेयर धड़ाम हुए और सोमवार को तो यह 16% टूट गया। न्यूज एजेंसी ब्लूमबर्ग की एक रिपोर्ट के मुताबिक इस बिकवाली के चलते निवेशकों की दौलत तेजी से नीचे आई और लगातार तीन कारोबारी दिनों में शेयरों में 23% से अधिक गिरावट के चलते निवेशकों की दौलत करीब $60 हजार करोड़ यानी ₹56 लाख करोड़ से ज्यादा घट गई। स्पेसएक्स के शेयर 22 जून को नैस्डैक पर 16.43% की गिरावट के साथ $154.60 पर बंद हुए। 12 जून को इसकी मार्केट में एंट्री हुई थी और 16 जून को इसने $225.64 का रिकॉर्ड हाई छुआ था। इसके अगले ही दिन 17 जून से लाल होना शुरू हो गया। कुछ समय के लिए मार्केट कैप के मामले में इसने एमेजॉन (Amazon) और माइक्रोसॉफ्ट (Microsoft) जैसी दिग्गज टेक कंपनियों को भी पीछे छोड़ दिया था।

क्यों आया SpaceX के शेयरों पर दबाव

स्पेसएक्स के पहली बार डेट मार्केट में उतरने के फैसले से निवेशकों के सेंटिमेंट पर असर पड़ा है। ब्लूमबर्ग के मुताबिक कंपनी अपने एआई (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) प्रोजेक्ट्स के विस्तार के लिए निवेश-ग्रेड बॉन्ड जारी करके कम से कम $2 हजार करोड़ जुटाने की योजना बना रही है। हालांकि स्पेसएक्स ने अभी तक यह खुलासा नहीं किया है कि उसकी योजना कितना फंड जुटाने की है। इसके अलावा मास्पेसएक्स के पहली बार डेट मार्केट में उतरने के फैसले ने निवेशकों के सेंटिमेंट पर दबाव डाला। के चीफ मार्केट स्ट्रैटेजिस्ट Michael O’Rourke का कहना है कि अधिकतर निवेशक जो इस शेयर में निवेश करना चाहते थे, उन्होंने लिस्टिंग के तुरंत बाद ही खरीदारी कर ली थी, जिससे सेलर्स को प्राइस एक्शन पर अधिक कंट्रोल मिल गया।

बनी हुई है खुदरा निवेशकों की दिलचस्पी

गिरावट के बावजूद रिटेल इंवेस्टर्स की स्पेसएक्स में दिलचस्पी बनी हुई है। कंपनी के कुल आउटस्टैंडिंग शेयरों में से सिर्फ 4.2% शेयर ही ट्रेडिंग के लिए उपलब्ध हैं, क्योंकि मौजूदा शेयरहोल्डर्स पर लॉक-अप प्रतिबंध लागू हैं। सीएनबीसी टीवी18 की रिपोर्ट के मुताबिक वांडा रिसर्च के आंकड़ों से सामने आया है कि लिस्ट होने के बाद शुरुआती पांच कारोबारी दिनों में इंडिविजुअल इंवेस्टर्स ने स्पेस एक्स के $40.5 करोड़ के शेयरों की नेट खरीदारी की। यह निवेश इन पांच दिनों में सात बड़ी टेक कंपनियों में कुल रिटेल इंवेस्टमेंट से भी अधिक रही। सोमवार को शेयर भाव में गिरावट के दौरान भी खुदरा निवेशकों ने शेयर खरीदे, लेकिन मांग पहले की तुलना में कमजोर रही।

SpaceX ने Elon Musk को बनाया ट्रिलेनियर, लेकिन अब लटकी यह तलवार

डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

Stock Market Recovery: दो सेक्टर की गिरावट को थाम लिया अकेले, Sensex ने निचले स्तर से की वापसी, Nifty भी ग्रीन

Stock Market Recovery: निफ्टी की वीकली एक्सपायरी के दिन आज शुरुआती कारोबार में घरेलू इक्विटी बेंचमार्क इंडेक्सेज सेंसेक्स और निफ्टी 50 लाल खुले। हालांकि शुरुआती गिरावट से उबरते हुए ये ग्रीन हो गए। इंट्रा-डे के निचले स्तर से सेंसेक्स प्वाइंट्स रिकवर हुआ तो निफ्टी भी एक बार फिर 24100 के पार पहुंच गया। ब्रोडर लेवल पर मार्केट में रौनक बनी हुई है और स्मॉलकैप स्पेस में तो अधिक ही। निफ्टी मिडकैप 100 में आधे फीसदी से कम बढ़त है तो निफ्टी स्मॉलकैप 100 में आधे फीसदी से अधिक।

अब इक्विटी बेंचमार्क इंडेक्सेज की बात करें तो फिलहाल 10:09 AM पर सेंसेक्स (Sensex) 68.59 प्वाइंट्स यानी 0.09% की मामूली बढ़त के साथ 77,162.66 और निफ्टी 50 (Nifty 50) भी 22.95 प्वाइंट्स यानी 0.10% की तेजी के साथ 24,125.85 पर है। इंट्रा-डे में सेंसेक्स 215.41 प्वाइंट्स टूटकर 76,878.66 तक आ गया था जिससे 313.97 प्वाइंट्स रिकवर होकर यह 77,192.6 तक पहुंचा तो निफ्टी 50 भी 62.85 प्वाइंट्स गिरकर 24,040.05 तक आया था जिससे यह 95.45 प्वाइंट्स चढ़कर 24,135.50 तक पहुंच गया।

Stock Market Recovery: ये है वजह

कच्चे तेल में फिसलन

अमेरिका और ईरान के बीच शांति समझौते पर बातचीत आगे बढ़ने से कच्चे तेल की सप्लाई सामान्य होने की उम्मीद बढ़ी है। इससे कच्चा तेल का भाव आज भी नरम पड़ा। अमेरिका और ईरान के बीच युद्ध की आंच में ब्रेंट क्रूड एक समय उछलकर प्रति बैरल $120 के करीब पहुंच गया था लेकिन अब यह टूटकर $78 के भी नीचे आ चुका है।

Pharma Sector ने मार्केट को खींच लिया ऊपर

निफ्टी आईटी में डेढ़ फीसदी से अधिक और निफ्टी मेटल में 1% से अधिक की गिरावट को फार्मा सेक्टर ने अकेले संभाल लिया जिसका निफ्टी इंडेक्स 2% से अधिक मजबूत हुआ है। निफ्टी पीएसयू बैंक में आधे फीसदी से अधिक की गिरावट है लेकिन निफ्टी रियल्टी में 1% से अधिक उछाल है।

वैल्यू बाइंग

मार्केट में आज शुरुआती गिरावट का फायदा उठाते हुए निवेशकों ने निचले स्तर पर खरीदारी की जिससे मार्केट को सपोर्ट मिला।

India VIX में नरमी

मार्केट की घबराहट को मापने वाले वोलैटिलिटी इंडेक्स इंडिया वीआईएक्स की नरमी से मार्केट को सपोर्ट मिला। India VIX फिलहाल 2.49% की गिरावट के साथ 12.52 पर है। इसके अधिक होने का मतलब आने वाले दिनों में वोलैटिलिटी के हाई होने और कम होने का मतलब वोलैटिलिटी के कम होने की संभावना है।

स्टॉक मार्केट में आज की लाइव हलचल के लिए यहां जुड़ें

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Gold Price Today: लगातार दूसरे दिन चमका सोना, फिसली चांदी, शॉपिंग को निकलने से पहले चेक करें लेटेस्ट रेट

Gold Rate Today In India: अमेरिका और ईरान के बीच शांति समझौते को लेकर बढ़ रही बातचीत और रुपये की कमजोरी ने लगातार दूसरे दिन आज गोल्ड की चमक बढ़ाई है। एक दिन की स्थिरता के बाद राजधानी दिल्ली में दो दिनों में 24 कैरट वाला 10 ग्राम गोल्ड ₹440 और 22 कैरट वाला ₹410 नीचे आया। इससे पहले 20 जून को 24 कैरट वाला 10 ग्राम गोल्ड ₹220 और 22 कैरट वाला ₹200 महंगा हुआ था लेकिन उससे पहले लगातार चार दिनों में 24 कैरट वाला गोल्ड ₹5670 और 22 कैरट वाला ₹5200 सस्ता हुआ था। आज 24 कैरट और 22 कैरट वाला 10 ग्राम गोल्ड ₹10 महंगा हुआ है। चांदी की बात करें तो इंडस्ट्रियल डिमांड सुस्त बने रहने के चलते तीन दिनों की स्थिरता के बाद आज इसके भाव नीचे आए हैं। आज एक किलो चांदी ₹100 सस्ती हुई है।

सिटीवाइज गोल्ड के भाव

देश के 10 बड़े शहरों में 18 कैरट, 22 कैरट और 24 कैरट शुद्धता वाले 10 ग्राम सोने की कीमत क्या है, आइए जानते हैं…

शहर 24 कैरट 10 ग्राम गोल्ड भाव 22 कैरट 10 ग्राम गोल्ड भाव 18 कैरट 10 ग्राम गोल्ड भाव
दिल्ली₹1,46,670 ₹1,34,460 ₹1,10,040
मुंबई ₹1,46,520₹1,34,310 ₹1,09,890
कोलकाता  ₹1,46,520 ₹1,34,310 ₹1,09,890
चेन्नई ₹1,48,360 ₹1,35,990 ₹1,13,690
बेंगलुरु ₹1,46,520 ₹1,34,310 ₹1,09,890
हैदराबाद ₹1,46,520 ₹1,34,310 ₹1,09,890
लखनऊ ₹1,46,670 ₹1,34,460 ₹1,10,040
पटना ₹1,46,570 ₹1,34,360 ₹1,09,940
जयपुर  ₹1,46,670 ₹1,34,460  ₹1,10,040
अहमदाबाद₹1,46,570₹1,34,360₹1,09,940

तीन दिनों की स्थिरता के बाद फिसली चांदी

चांदी की बात करें तो लगातार तीन दिनों की स्थिरता के बाद आज इसके भाव नीचे आए हैं। इससे पहले लगातार तीन दिनों की स्थिरता से पहले लगातार दो दिनों में एक किलो चांदी ₹10,500 सस्ती हुई थी। अब आज की बात करें तो दिल्ली में यह प्रति किग्रा ₹100 ऊपर सस्ती होकर ₹2,49,900 के भाव में बिक रही है। बाकी अहम महानगरों की बात करें तो मुंबई और कोलकाता में भी यह इसी भाव पर बिक रही है। हालांकि चेन्नई में एक किलो चांदी का भाव ₹2,54,900 है यानी चारों महानगरों में सबसे महंगी चांदी चेन्नई में ही है।

Gold Price: अपने रिकॉर्ड स्तर से 28% टूटा गोल्ड! खत्म हो गई तेजी या फिर लौट सकती है चमक?

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PSU Stocks: 7 कारोबारी दिनों में 48% चढ़ा इस सरकारी कंपनी का शेयर, इस कारण निवेशकों को मिला छप्परफाड़ रिटर्न

New India Assurance Shares: न्यू इंडिया एश्योरेंस कंपनी के शेयरों में आज लगातार सातवें दिन खरीदारी का शानदार रुझान दिखा। इन सात दिनों में यह 48% से अधिक उछलकर यह एक साल के नए हाई पर पहुंच गया। यह इसके शेयरों के लिए अब तक की सबसे लंबी रैली है। इससे पहले नवंबर 2024 में यह लगातार 12 कारोबारी दिनों तक ऊपर चढ़ा था और 21 नवंबर से 9 दिसंबर तक क्लोजिंग बेसिस पर 12 कारोबारी दिनों में यह 22% से अधिक ऊपर चढ़ा था। इसके शेयरों के मौजूदा स्थिति की बात करें तो फिलहाल बीएसई पर यह 6.56% के उछाल के साथ ₹215.35 (New India Assurance Share Price) पर है। इंट्रा-डे में यह 7.87% उछलकर ₹218.00 तक पहुंच गया था।

New India Assurance के शेयरों में NSE IPO ने भरी चाबी

न्यू इंडिया एश्योरेंस के शेयरों को एनएसई के आईपीओ से सपोर्ट मिला है। पिछले हफ्ते नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) ने अपने आईपीओ का ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (DRHP) फाइल किया था। इस ड्राफ्ट से सामने आया कि एनएसई के आईपीओ के तहत जो शेयरहोल्डर् अपनी हिस्सेदारी हल्की कर रहे हैं, उनमें न्यू इंडिया एश्योरेंस कंपनी का भी नाम है। ड्राफ्ट के मुताबिक न्यू इंडिया एश्योरेंस इस आईपीओ के तहत ₹1 की फेस वैल्यू वाले 1.05 करोड़ शेयर बेचने वाली है। चूंकि सरकारी इंश्योरेंस कंपनी के लिए एनएसई में होल्डिंग प्रति शेयर महज ₹0.32 के भाव के हिसाब से है तो शेयर बेचने पर इसे तगड़ा फायदा होने वाला है।

मार्च 2026 तिमाही के शेयरहोल्डिंग पैटर्न के हिसाब से न्यू इंडिया एश्योरेंस में सरकार की हिस्सेदारी 85% है तो पब्लिक शेयरहोल्डर्स में एलआईसी की हिस्सेदारी 8.67% और जनरल इंश्योरेंस कॉरपोरेशन (GIC) की 1.31% होल्डिंग है। साथ ही ₹2 लाख तक के निवेश वाले 1.5 लाख छोटे खुदरा निवेशकों की कंपनी में 1.8% हिस्सेदारी है।

एक साल में कैसी रही शेयरों की चाल?

न्यू इंडिया एश्योरेंस के शेयरों ने निवेशकों की ताबड़तोड़ कमाई कराई है। पिछले वित्त वर्ष 2026 के आखिरी कारोबारी दिन 30 मार्च 2026 को बीएसई पर यह ₹116.95 के भाव पर था जोकि इसके शेयरों के लिए एक साल का रिकॉर्ड निचला स्तर है। इस निचले स्तर से 3 ही महीने में यह 86.49% उछलकर आज 22 जून 2026 को ₹218.00 के भाव पर पहुंच गया जोकि इसके शेयरों के लिए एक साल का रिकॉर्ड हाई लेवल है। वैसे बता दें कि सरकारी बीमा कंपनी ने साल 2018 में 1:1 के रेश्यो में बोनस इश्यू जारी किया था और यह बोनस से एडजस्टेड आईपीओ प्राइस ₹400 के नीचे बना हुआ है।

NOCIL Shares: 20% उछलकर शेयर अपर सर्किट पर, DGTR के इस फैसले के बाद बनाया उछाल का रिकॉर्ड

Dividend Stocks: 5 लाख खुदरा निवेशकों को स्पेशल डिविडेंड देने की तैयारी, ऐलान पर बढ़ी इस FMCG स्टॉक की चमक

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Dividend Stocks: 5 लाख खुदरा निवेशकों को स्पेशल डिविडेंड देने की तैयारी, ऐलान पर बढ़ी इस FMCG स्टॉक की चमक

Dividend Stocks: दिग्गज एफएमसीजी कंपनी नेस्ले इंडिया के बोर्ड की अगले महीने 3 जुलाई को बैठक होने वाली है, जिसमें स्पेशल डिविडेंड के प्रस्ताव पर विचार होगा। इसके अलावा डिविडेंड का प्रस्ताव भी है। इससे कंपनी के 4 लाख से अधिक खुदरा निवेशकों के चेहरे खिल उठे और शेयर भी चमक गए। हालांकि शेयरों की तेजी का कुछ निवेशकों ने फायदा उठाया तो भाव नरम पड़े लेकिन अब भी यह ग्रीन जोन में है। फिलहाल बीएसई पर यह 0.37% की बढ़त के साथ ₹1420.60 (Nestle India Share Price) पर है। इंट्रा-डे में यह 1.02% उछलकर ₹1,429.85 तक पहुंच गया था।

Nestle India की क्या है योजना?

नेस्ले ने 19 जून को एक्सचेंज फाइलिंग में जानकारी दी कि 3 जुलाई को बोर्ड की बैठक होनी है जिसमें 2026 के स्पेशल डिविडेंड के प्रस्ताव पर चर्चा होगी। इसके लिए रिकॉर्ड डेट वही है, जो वित्त वर्ष 2026 के फाइनल डिविडेंड के लिए फिक्स की गई है। कंपनी हर शेयर पर ₹5 का फाइनल डिविडेंड बांट रही है, जिसकी रिकॉर्ड डेट 10 जुलाई फिक्स की गई है। इसका पेमेंट 30 जुलाई 2026 को या इसके बाद किया जाएगा। एक्सचेंज फाइलिंग में कंपनी ने यह भी जानकारी दी कि इस वित्त वर्ष 2027 की पहली तिमाही अप्रैल-जून 2027 के कारोबारी नतीजे को लेकर बोर्ड की बैठक 22 जुलाई को होगी।

नेस्ले इंडिया में किसकी कितनी हिस्सेदारी?

बीएसई पर मौजूद मार्च 2026 तिमाही के शेयरहोल्डिंग पैटर्न के हिसाब से कंपनी में 62.76% हिस्सेदारी प्रमोटर्स की है तो पब्लिक शेयरहोल्डिंग 37.24% है। पब्लिक शेयरहोल्डर्स में 4.24% होल्डिंग 51 म्यूचुअल फंड्स की है लेकिन इनमें से किसी की भी होल्डिंग 1% या इससे अधिक नहीं है। एलआईसी के पास इसके 11.84 करोड़ से अधिक शेयर हैं जोकि कंपनी की 6.14% होल्डिंग के बराबर है। देश की सबसे बड़ी जीवन बीमा कंपनी एलआईसी को मिलाकर 30 इंश्योरेंस कंपनियों की नेस्ले इंडिया में 7.37% होल्डिंग है तो विदेशी निवेशकों की हिस्सेदारी 9.74% है। ₹2 लाख तक के निवेश वाले निवेशकों यानी रिटेल शेयरहोल्डर्स की बात करें तो 4,68,638 निवेशकों के पास कंपनी के 15,64,58,392 शेयर हैं जोकि कंपनी की 8.11% होल्डिंग के बराबर है। एचएनआई की होल्डिंग 3.96% है।

एक साल में कैसी रही शेयरों की चाल?

नेस्ले इंडिया के शेयर पिछले साल 14 अगस्त, 2025 को बीएसई पर ₹1085.00 के भाव पर थे जोकि इसके लिए एक साल का रिकॉर्ड निचला स्तर है। इस निचले स्तर से 9 महीने में यह 38.12% उछलकर पिछले महीने 11 मई, 2026 को ₹1498.60 पर पहुंच गया जोकि इसके शेयरों के लिए एक साल का रिकॉर्ड हाई लेवल है।

OMCs Stocks: कच्चे तेल की फिसलन भी नहीं दे पाएगी राहत, इस कारण प्रभुदास लीलाधर ने जताई आशंका

डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

Stocks to Watch: Tata Motors, RVNL और Goodluck समेत इन स्टॉक्स पर फोकस; हफ्ते के पहले कारोबारी दिन कमाई का मौका

Stocks to Watch: अधिकतर एशियाई बाजारों में तेजी के बीच हफ्ते के पहले कारोबारी दिन आज गिफ्ट निफ्टी से घरेलू मार्केट में ग्रीन शुरुआत के संकेत मिल रहे हैं। गिफ्ट निफ्टी फिलहाल 68.50 प्वाइंट्स यानी 0.28% की बढ़त के साथ 24,117.00 पर है। एक कारोबारी दिन पहले 19 जून को सेंसेक्स (Sensex) 607.08 प्वाइंट्स यानी 0.78% की गिरावट के साथ 76,802.90 और निफ्टी 50 (Nifty 50) भी 154.90 प्वाइंट्स यानी 0.64% की फिसलन के साथ 24,013.10 पर बंद हुआ था। अब आज इंडिविजुअल स्टॉक्स की बात करें तो अपनी खास कॉरपोरेट एक्टिविटीज के चलते कुछ स्टॉक्स में तेज हलचल दिख सकती है। यहां इन शेयरों के बारे में डिटेल्स दी जा रही है।

Stocks to Watch: इन स्टॉक्स पर रहेगी नजर

Reliance Industries

रिलायंस इंडस्ट्रीज की सब्सिडियरी जियो प्लेटफॉर्म्स ने सेबी के पास आईपीओ का ड्राफ्ट दाखिल किया है। इस आईपीओ के तहत 27 करोड़ नए इक्विटी शेयरों जारी करने की योजना है। आईपीओ से मिलने वाले ₹27,500 करोड़ का इस्तेमाल कर्ज हल्का करने और आम कॉर्रपोरेट उद्देश्यों में किया जाएगा।

Tata Motors Commercial Vehicle (Tata Motors CV)

टाटा मोटर्स कमर्शियल वेईकल को अलग-अलग सेगमेंट में 3,400 से ज़्यादा इलेक्ट्रिक कमर्शियल व्हीकल (eCV) के ऑर्डर मिले हैं। इनमें लगभग 2,000 SCV और पिक-अप, लगभग 900 ट्रक और लगभग 500 बसों के ऑर्डर शामिल हैं।

Rail Vikas Nigam Ltd (RVNL)

रेल विकास निगम को एनएमडीसी से ₹2,977 करोड़ के कॉन्ट्रैक्ट का लेटर ऑफ़ अवार्ड (LoA) मिला है। यह कॉन्ट्रैक्ट आंध्र प्रदेश के विजग में 10 MTPA की हैंडलिंग क्षमता वाले बफर स्टॉकपाइल और ब्लेंडिंग यार्ड बनाने के लिए है।

Power Mech Projects

पावर मेक प्रोजेक्ट्स को जेएसडब्ल्यू थर्मल एनर्जी से पश्चिम बंगाल के सालबोनी में 2×800 MW के थर्मल पावर प्रोजेक्ट के बीटीजी एरिया में सिविल और स्ट्रक्चरल काम के लिए ₹1,008.9 करोड़ का ऑर्डर मिला है।

Sun Pharmaceutical Industries

सन फार्मा ने ₹271.2 करोड़ में इनोवकेयर लाइफसाइंसेज के 100% आउटस्टैंडिंग शेयर खरीदने का फैसला किया है। इनोवकेयर लाइफसाइंसेज फार्मास्युटिकल दवाओं, न्यूट्रास्युटिकल्स और कॉस्मेस्युटिकल प्रोडक्ट्स की देश में मार्केटिंग, डिस्ट्रीब्यूशन और बिक्री के बिजनेस में है।

Deep Industries

दीप इंडस्ट्रीज को ओएनजीसी से असम एसेट के लखमानी GGS-5 में गैस कम्प्रेशन चार्टर हायरिंग सर्विस के लिए तीन साल का ‘लेटर ऑफ अवार्ड’ मिला है। इस कॉन्ट्रैक्ट की कुल अनुमानित वैल्यू लगभग ₹83.81 करोड़ है।

Bharat Forge

भारत फोर्ज ने रक्षा मंत्रालय के साथ ₹425 करोड़ का कॉन्ट्रैक्ट साइन किया है। इसके तहत कोलकाता-क्लास के जहाजों पर ऑनबोर्ड बिजली बनाने के लिए भारतीय नौसेना को गैस टरबाइन जनरेटर सप्लाई किया जाएहा। इस कॉन्ट्रैक्ट पर पांच साल में काम पूरा करना है।

Kirloskar Oil Engines

किर्लोस्कर ऑयल इंजिन्स को डिजिटल इंफ्रा कंपनी हाइपरनेक्स्ट (HyperNext) से एक बड़ा ऑर्डर मिला है। इस ऑर्डर में किर्लोस्कर ऑयल इंजिन्स के 2,500 kVA ऑप्टिप्राइम डुअल कोर पावर सिस्टम की 96 यूनिट्स (कुल 192 MW क्षमता) शामिल हैं।

Goodluck India

गुडलक इंडिया की सब्सिडियरी गुडलक डिफेंस एंड एयरोस्पेस को एक कंपनी से ₹255 करोड़ का ऑर्डर मिला है। यह ऑर्डर रेडी-टू-फिल कंडीशन में 155 एमएम लॉन्ग-रेंज एंपटी शेल्स की सप्लाई के लिए है।

Knowledge Marine & Engineering Works

नॉलेज मरीन एंड इंजीनियरिंग वर्क्स (KMEW) को अपनी सब्सिडियरी नॉलेज शिपयार्ड के साथ मिलकर इनलैंड वॉटरवेज अथॉरिटी ऑफ इंडिया (IWAI) से ₹66.11 करोड़ का वर्क ऑर्डर मिला है। यह ऑर्डर 10 हाइब्रिड इलेक्ट्रिक पैसेंजर फेरी के डिजाइन, निर्माण, सप्लाई, टेस्टिंग और कमीशनिंग के लिए है। हर फेरी की क्षमता 20 यात्रियों की होगी और कंपनी को इसके मेंटनेंस और सपोर्ट का काम भी संभालना है।

Garden Reach Shipbuilders & Engineers

पब्लिक एंटरप्राइजेज विभाग ने गार्डन रीच शिपबिल्डर्स एंड इंजीनियर्स को ‘नवरत्न’ का दर्जा दिया है।

Patanjali Foods

पतंजलि फूड्स को कन्नूर जिले में ज्वार के आटे के एक बैच की बिक्री पर रोक का आदेश मिला है। यह रोक इसलिए लगाई गई है क्योंकि इसमें क्लोरपायरीफॉस (Chlorpyriphos) कीटनाशक के अवशेष एक लिमिट से अधिक पाए गए थे।

Aavas Financiers

घनश्याम रावत ने आवास फाइनेंसर्स के प्रेसिडेंट और चीफ फाइनेंशियल ऑफिसर के पदों से इस्तीफा दे दिया है, जबकि आशुतोष अत्रे ने प्रेसिडेंट और चीफ रिस्क ऑफिसर के पदों से इस्तीफा दिया है। इनका इस्तीफा 21 सितंबर, 2026 से प्रभावी होगा। बोर्ड ने घनश्याम गुप्ता को कंपनी का अंतरिम चीफ फाइनेंशियल ऑफिसर और पुनीत पुरुषोत्तम अग्रवाल को अंतरिम चीफ रिस्क ऑफिसर नियुक्त किया है। इनकी नियुक्तियां आज 22 जून से प्रभावी होंगी।

UCO Bank

सरकार ने यूको बैंक के एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर राजेंद्र कुमार साबू को मैनेजिंग डायरेक्टर और चीफ एग्जीक्यूटिव ऑफिसर का अतिरिक्त प्रभार सौंपा है। उनके पास इसका अतिरिक्त प्रभार 31 अगस्त, 2026 तक या इस पद पर किसी की नियुक्ति होने तक (जो भी पहले हो) रहेगा।

Nestle India

नेस्ले इंडिया के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स की बैठक 3 जुलाई को होनी है, जिसमें स्पेशल डिविडेंड और फाइनल डिविडेंड के प्रस्ताव पर विचार होगा। इसकी रिकॉर्ड डेट 10 जुलाई फिक्स हो चुकी है।

Himadri Speciality Chemical

हिमाद्री स्पेशलिटी केमिकल ने इंटरनेशनल बैटरी कंपनी (IBC) के साथ अपनी स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप को और मजबूत किया है। आईबीसी अमेरिका की टेक्नोलॉजी डेवलपर और केमिस्ट्री-एग्नोस्टिक प्रिजमैटिक लिथियम-आयन सेल्स मैन्युफैक्चरर है। हिमाद्री ने इसमें $6.6 लाख का अतिरिक्त निवेश करके इसमें अपनी हिस्सेदारी बढ़ाकर 20.47% कर ली है। इस निवेश से पहले हिमाद्री ने इंटरनेशनल बैटरी कंपनी में $54.3 लाख का निवेश किया था और पूरी तरह से डाइल्यूटेड आधार पर इसकी 17.29% हिस्सेदारी थी।

General Insurance Corporation of India

वित्त मंत्रालय ने डिपार्टमेंट ऑफ फाइनेंशियल सर्विसेज के एडिशनल सेक्रेटरी देबाशीष प्रुस्टी (Debasish Prusty) को तत्काल प्रभाव से जनरल इंश्योरेंस कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया के बोर्ड में डायरेक्टर के तौर पर नॉमिनेट किया है।

एक्स-डेट

आज डीएमआर इंजीनियरिंग, पैनासोनिक कॉर्बन इंडिया कंपनी और संगम इंडिया के शेयर एक्स-डिविडेंड ट्रेड करेंगे।

F&O Ban

आज कीन्स टेक्नोलॉजी इंडिया में एफएंडओ की नई पोजिशन नहीं ले पाएंगे।

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