बंगाल की खाड़ी में बना रहा ‘अर्नब’ चक्रवात? ओडिशा, आंध्र प्रदेश और बंगाल में भारी बारिश-तूफान का खतरा, IMD ने जारी किया रेड अलर्ट

Cyclone Arnab: बंगाल की खाड़ी के ऊपर बना मौसम सिस्टम जल्द ही तटीय इलाकों में अपना असर दिखा सकता है। IMD के मुताबिक, यह सिस्टम लगातार पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ रहा है और इसके जल्द ही और मजबूत होने की संभावना है। इसके बाद यह डीप डिप्रेशन (गहरा दबाव) में बदल सकता है और आंध्र प्रदेश-ओडिशा तट को पार कर सकता है।

इससे पहले सोमवार को मौसम विभाग ने बताया था कि पश्चिम-मध्य और उससे सटे उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी के ऊपर बना डिप्रेशन ‘डीप डिप्रेशन’ में बदल सकता है।

IMD ने कहा, “पश्चिम-मध्य और उससे सटे उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी के ऊपर बना डिप्रेशन पिछले 6 घंटों में 18 किमी/घंटा की रफ्तार से पश्चिम की ओर बढ़ा और आज, 22 सितंबर 2026 को सुबह 8:30 बजे (IST) उसी इलाके में 17.9°N अक्षांश और 86.0°E देशांतर के पास केंद्रित था। यह गोपालपुर (ओडिशा) से लगभग 200 किमी दक्षिण-पूर्व, कलिंगपटनम (आंध्र प्रदेश) से 200 किमी पूर्व-दक्षिण-पूर्व, पुरी (ओडिशा) से 210 किमी दक्षिण और विशाखापत्तनम (आंध्र प्रदेश) से 290 किमी पूर्व में स्थित था।”

IMD ने आगे कहा, “इसके अगले 12 घंटों के दौरान पश्चिम-उत्तर-पश्चिम की ओर बढ़ने और पश्चिम-मध्य व उससे सटे उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी के ऊपर एक गहरे डिप्रेशन (deep depression) में बदलने की बहुत संभावना है।” साथ ही, यह भी बताया गया कि इस सिस्टम के पश्चिम-उत्तर-पश्चिम की ओर बढ़ते रहने का अनुमान है।

मौसम विभाग ने कहा कि इस सिस्टम के बुधवार रात और गुरुवार तड़के विशाखापत्तनम और गोपालपुर के बीच उत्तरी आंध्र प्रदेश-दक्षिणी ओडिशा तटों को ‘डीप डिप्रेशन’ के रूप में पार करने की संभावना है।

इसका नाम ‘अर्नब’ कब रखा जाएगा?

उत्तरी हिंद महासागर में चक्रवाती तूफानों के नामों की सूची के अनुसार, इस क्षेत्र में बनने वाले अगले चक्रवात का नाम ‘अर्नब’ रखा जाएगा।

‘अर्नब’ का मतलब बंगाली भाषा में ‘समुद्र’ होता है। यह नाम बांग्लादेश ने दिया है। यह नाम विश्व मौसम विज्ञान संगठन (WMO) और भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) की ओर से तैयार की गई क्षेत्रीय उष्णकटिबंधीय चक्रवातों की नामकरण सूची में शामिल है।

आंध्र प्रदेश में रेड अलर्ट

आंध्र प्रदेश के श्रीकाकुलम और विजयनगरम के लिए रेड अलर्ट जारी किया गया है। 22-23 सितंबर को इन दोनों जिलों और पार्वतीपुरम मन्यम में कुछ जगहों पर बहुत ज्यादा बारिश होने की संभावना है।

इसके अलावा, अल्लूरी सीताराम राजू, अनाकापल्ली और विशाखापत्तनम जिलों में भी भारी से बहुत भारी बारिश होने की उम्मीद है, जबकि कई अन्य जिलों में मध्यम से भारी बारिश हो सकती है।

23 और 24 सितंबर को श्रीकाकुलम, विजयनगरम, पार्वतीपुरम मान्यम और अल्लूरी सीताराम राजू में कुछ जगहों पर बेहद भारी बारिश हो सकती है। वहीं, अनकापल्ली, विशाखापत्तनम, काकीनाडा, ईस्ट गोदावरी और एलुरु में भारी से बहुत भारी बारिश होने की उम्मीद है।

मौसम विभाग ने जारी की एडवाइजरी

मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि भारी बारिश के कारण कई जगहों पर जलभराव और ट्रैफिक जाम की समस्या हो सकती है। सड़कें फिसलन भरी हो सकती हैं। इसके अलावा पेड़ और बिजली के खंभे गिरने, बिजली-पानी की सप्लाई प्रभावित होने और नालियों के जाम होने का खतरा भी है। कुछ जगहों पर जलाशयों या बांधों के टूटने की आशंका भी जताई गई है।

प्रशासन ने लोगों को बेवजह बाहर निकलने से बचने की सलाह दी है। साथ ही सड़क, रेल और हवाई यातायात को जरूरत के हिसाब से नियंत्रित करने के निर्देश दिए गए हैं। राहत और बचाव दलों के साथ बिजली और पानी विभागों को भी किसी भी स्थिति से निपटने के लिए तैयार रहने को कहा गया है।

यह मौसम संबंधी एडवाइजरी 22 सितंबर 2026 को दोपहर 1 बजे जारी की गई।

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कल का मौसम 13 जुलाई: पूर्वी यूपी, बिहार-बंगाल तक मूसलाधार बरसात, IMD ने इन 11 राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट दिया

India Weather Update: देश के कई हिस्सों में मानसून का रौद्र रूप देखने को मिल रहा है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग 13 जुलाई के लिए देश का ताजा वेदर बुलेटिन जारी कर दिया है। मौसम विभाग के मुताबिक मानसून की अक्षीय रेखा इस समय श्री गंगानगर, हिसार, मेरठ, शाहजहाँपुर, गोरखपुर, मुजफ्फरपुर से होते हुए पूर्व-दक्षिण-पूर्व की ओर दक्षिण असम तक जा रही है। इसके साथ ही उत्तर-पूर्वी बिहार, दक्षिण बांग्लादेश और उत्तर-पूर्वी असम के ऊपर अलग-अलग चक्रवाती परिसंचरण सक्रिय हैं। इन मजबूत वेदर सिस्टम के प्रभाव से बिहार, उत्तर प्रदेश और पश्चिम बंगाल समेत कुल 11 राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।

आइए जानते हैं मौसम विभाग के बुलेटिन के मुताबिक 13 जुलाई को देश के अलग-अलग राज्यों में मौसम का हाल कैसा रहने वाला है:

इन राज्यों में मूसलाधार और बहुत भारी बारिश का अलर्ट

मौसम विभाग के मुताबिक 13 जुलाई को तीन प्रमुख राज्यों के अलग-अलग हिस्सों में बादलों की भीषण गर्जना के साथ मूसलाधार और बहुत भारी बारिश होने की प्रबल संभावना है:

  • बिहार
  • गंगा तटीय पश्चिम बंगाल
  • असम और मेघालय

इन इलाकों में रहने वाले लोगों को जलभराव और खराब मौसम को देखते हुए विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।

पूर्वी यूपी और उत्तराखंड समेत इन 8 राज्यों में भारी बारिश की चेतावनी

देश के कई अन्य हिस्सों में भी मानसूनी हवाओं के चलते भारी बारिश का येलो अलर्ट जारी किया गया है। इन क्षेत्रों में शामिल हैं:

  • पूर्वी उत्तर प्रदेश
  • उत्तराखंड
  • उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम
  • ओडिशा
  • अरुणाचल प्रदेश
  • नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा

आंधी-तूफान, बिजली कड़कने और बवंडर जैसी तेज हवाओं का अलर्ट

बारिश के साथ-साथ मौसम विभाग ने कई राज्यों में आकाशीय बिजली गिरने और तेज रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चलने का पूर्वानुमान जारी किया है। अंडमान और निकोबार द्वीप समूह तथा जम्मू-कश्मीर-लद्दाख में कुछ स्थानों पर 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और बिजली कड़कने की आशंका है। बिहार, झारखंड, ओडिशा, आंध्र प्रदेश और तेलंगाना के अलग-अलग हिस्सों में 30 से 40 किमी/घंटे की रफ्तार से हवाएं चलेंगी और गरज-चमक के साथ बिजली गिर सकती है।

उत्तराखंड, छत्तीसगढ़, पूर्वी मध्य प्रदेश, पश्चिम बंगाल और सिक्किम, अरुणाचल प्रदेश, असम और मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में अलग-अलग स्थानों पर तेज गरज के साथ बिजली गिरने की चेतावनी दी गई है। आंध्र प्रदेश और तेलंगाना के कुछ इलाकों में धरातल पर बहुत तेज गति से हवाएं चलने की संभावना है।

तटीय आंध्र प्रदेश में लू और ओडिशा-तमिलनाडु में उमस का असर

एक तरफ जहां उत्तर और पूर्वी भारत में बारिश का दौर जारी है, वहीं दक्षिण और तटीय इलाकों में मौसम विपरीत रहेगा। तटीय आंध्र प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में लू की स्थिति बनी रहेगी। ओडिशा और तमिलनाडु, पुडुचेरी व कराइकल के कुछ हिस्सों में मौसम बेहद गर्म और उमस भरा रहने वाला है। इससे लोगों को काफी परेशानी हो सकती है।

अरब सागर और बंगाल की खाड़ी में मौसम का हाल

समंदर में उठने वाले तूफान और तेज हवाओं को लेकर मछुआरों को तटीय इलाकों में न जाने की चेतावनी दी गई है। पश्चिम-मध्य और उससे सटे पूर्वी-मध्य, उत्तरी और दक्षिण-पश्चिम अरब सागर के अधिकांश हिस्सों में, सोमालिया और ओमान के तटों के साथ-साथ उत्तरी गुजरात के तटों पर 45-55 किमी/घंटे की रफ्तार से चलने वाली हवाएं 65 किमी/घंटे की रफ्तार तक पहुंच सकती हैं। उत्तरी आंध्र प्रदेश के तटों से सटे समुद्र और अंडमान सागर में 40-50 किमी/घंटे की रफ्तार से तूफानी हवाएं चल सकती हैं, जिनकी गति बढ़कर 60 किमी/घंटे तक पहुंचने का अनुमान है।

कल का मौसम 5 जुलाई: राजस्थान से MP तक आंधी-तूफान, IMD ने इन 20+ राज्यों में जारी किया भारी बारिश का अलर्ट

देश भर में दक्षिण-पश्चिम मानसून (Southwest Monsoon 2026) अपनी पूरी रफ्तार पकड़ चुका है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के मुताबिक मानसून की उत्तरी सीमा फिलहाल जामनगर, उदयपुर, अजमेर, झुंझुनू, हिसार, बठिंडा से होकर गुजर रही है। अगले 4 दिनों के भीतर मानसून के उत्तरी अरब सागर, गुजरात, राजस्थान के कुछ और हिस्सों तथा पंजाब व हरियाणा के बाकी बचे इलाकों में आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां पूरी तरह अनुकूल बनी हुई हैं। इस सक्रिय मानसूनी सिस्टम के प्रभाव से मौसम विभाग ने 5 जुलाई को देश के 20 से अधिक राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में भारी से अत्यंत भारी बारिश, आकाशीय बिजली गिरने और तेज आंधी-तूफान का अलर्ट जारी किया है।

इन 4 राज्यों में अत्यंत भारी बारिश का रेड अलर्ट

मौसम विभाग के बुलेटिन के मुताबिक 5 जुलाई को देश के चार राज्यों में बादलों का रौद्र रूप देखने को मिलेगा। यहां छिटपुट स्थानों पर मूसलाधार से लेकर अत्यधिक भारी बारिश होने की आशंका जताई गई है-

  • गुजरात
  • कोंकण और गोवा
  • मध्य महाराष्ट्र
  • ओडिशा

मध्य प्रदेश, राजस्थान समेत इन राज्यों में बहुत भारी बारिश की चेतावनी

आईएमडी के मुताबिक, 5 जुलाई को कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश होने की प्रबल संभावना है:

  • मध्य प्रदेश
  • पूर्वी राजस्थान
  • छत्तीसगढ़
  • विदर्भ
  • उत्तराखंड
  • गंगीय पश्चिम बंगाल
  • तटीय कर्नाटक
  • दक्षिणी आंतरिक कर्नाटक

इन 10 राज्यों/क्षेत्रों में भारी बारिश का अलर्ट

देश के कई अन्य हिस्सों में भी 5 जुलाई को भारी बारिश का दौर देखने को मिलेगा:

उत्तर प्रदेश और बिहार से सटे राज्य झारखंड में भारी बारिश होगी। हिमाचल प्रदेश में भी भारी बारिश का अलर्ट है। केरल और माहे, तेलंगाना और उत्तरी आंतरिक कर्नाटक में भारी बारिश होगी। महाराष्ट्र के मराठावाड़ा क्षेत्र में भारी बारिश का अलर्ट है। असम और मेघालय के साथ-साथ नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में भारी बारिश का अनुमान है।

दिल्ली-पंजाब से राजस्थान और एमपी तक आंधी-तूफान और बिजली का कहर

मौसम विभाग ने देश के बड़े हिस्से में बारिश के साथ-साथ 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली तेज हवाओं और बिजली गिरने का अलर्ट जारी किया है।

उत्तर-पश्चिम भारत: हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली, पंजाब, राजस्थान, तथा जम्मू-कश्मीर-लद्दाख में गरज-चमक के साथ 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से अंधड़ चलने और बिजली गिरने की आशंका है। उत्तराखंड में भी बिजली गिरने की चेतावनी है।

मध्य और पूर्वी भारत: मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र के मध्य महाराष्ट्र व मराठावाड़ा क्षेत्र, झारखंड, और पश्चिम बंगाल व सिक्किम में 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं और बिजली कड़कने का अलर्ट है। बिहार और विदर्भ में 30-40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार वाली हवाओं के साथ गरज-चमक और बिजली गिरने की संभावना जताई गई है।

दक्षिण भारत और अन्य क्षेत्र: तटीय आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, कर्नाटक, तमिलनाडु, पुडुचेरी व कराइकल और अंडमान व निकोबार द्वीप समूह में भी 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से आंधी और बिजली गिरने का अलर्ट है। इसके अलावा गुजरात क्षेत्र में भी बिजली गिरने की संभावना है।

कर्नाटक, केरल और रायलसीमा में तेज सतही हवाएं

बारिश और आंधी के अलावा, आईएमडी ने कर्नाटक, केरल व माहे और रायलसीमा में अलग-अलग स्थानों पर बेहद मजबूत सतही हवाएं चलने की चेतावनी जारी की है।

उत्तर-पूर्व और यूपी में भारी उमस, अरुणाचल में गर्म दिन का अलर्ट

मौसम के इस उतार-चढ़ाव के बीच कुछ राज्यों को भारी उमस और गर्मी का सामना करना पड़ेगा। असम व मेघालय, पूर्वी उत्तर प्रदेश और नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम व त्रिपुरा में अलग-अलग स्थानों पर मौसम काफी गर्म और उमस भरा रहने की संभावना है। अरुणाचल प्रदेश में मौसम विभाग ने कुछ जगहों पर गर्म दिन रहने की आशंका जताई है।

समंदर में जाने वाले मछुआरों के लिए चेतावनी

अरब सागर: सोमालिया तट, ओमान तट, दक्षिण-पश्चिम अरब सागर के कुछ हिस्सों, उत्तरी अरब सागर के कुछ हिस्सों और मध्य अरब सागर के अधिकांश हिस्सों में 45-55 किमी प्रति घंटे (झोंके 65 किमी प्रति घंटे तक) की रफ्तार से तूफानी हवाएं चलेंगी। यही स्थिति महाराष्ट्र और गोवा के तटों पर भी रहेगी। इसके अलावा गुजरात, कोंकण व गोवा, कर्नाटक, केरल के तटों और लक्षद्वीप क्षेत्र व उससे सटे पूर्व-मध्य और उत्तर-पूर्वी अरब सागर में 40-50 किमी प्रति घंटे (झोंके 60 किमी प्रति घंटे तक) की रफ्तार से मौसम खराब रहेगा।

बंगाल की खाड़ी: मध्य बंगाल की खाड़ी के हिस्सों में 45-55 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलेंगी। वहीं गंगीय पश्चिम बंगाल, ओडिशा के तटों, आंध्र प्रदेश, उत्तरी व मध्य बंगाल की खाड़ी और उससे सटे दक्षिणी बंगाल की खाड़ी के कुछ हिस्सों तथा अंडमान सागर में 40-50 किमी प्रति घंटे (झोंके 60 किमी प्रति घंटे तक) की रफ्तार से तूफानी मौसम रहने का अनुमान है। मछुआरों को इन इलाकों में न जाने की सलाह दी गई है।