Petrol Diesel Price Today: पेट्रोल-डीजल की ताजा कीमतें अपडेट, जानें आपके शहर का रेट

Petrol Diesel Price Today:  हर दिन की शुरुआत सिर्फ सूरज की किरणों से नहीं होती, बल्कि पेट्रोल और डीजल की नई कीमतों से भी होती है, जो आम आदमी की जेब पर सीधा असर डालती हैं। सुबह 6 बजे देश की तेल विपणन कंपनियां (OMCs) ताजा दरें जारी करती हैं, जो अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों और डॉलर-रुपए की विनिमय दर में आए बदलावों पर आधारित होती हैं। ये बदलाव रोजमर्रा की जिंदगी को प्रभावित करते हैं, चाहे वो ऑफिस जाने वाला व्यक्ति हो या फल-सब्जी बेचने वाला व्यापारी।

ऐसे में हर दिन की कीमतों की जानकारी रखना सिर्फ जरूरी ही नहीं, बल्कि समझदारी भी है। सरकार की यह प्रणाली पारदर्शिता सुनिश्चित करती है ताकि उपभोक्ताओं को किसी तरह की भ्रमित जानकारी न मिले।

आपके शहर में आज का पेट्रोल-डीजल का भाव

ये रहे 15 जुलाई 2026 के प्रमुख शहरों के पेट्रोल-डीजल के ताजा रेट —

नई दिल्ली: पेट्रोल 102.12 रुपये | डीजल 95.20 रुपये

मुंबई: पेट्रोल 111.18 रुपये | डीजल 97.83 रुपये

कोलकाता: पेट्रोल 113.47 रुपये | डीजल 99.82 रुपये

चेन्नई: पेट्रोल 107.77 रुपये | डीजल 99.55 रुपये

गुरुग्राम: पेट्रोल 102.77 रुपये | डीजल 95.44 रुपये

नोएडा: पेट्रोल 102.12 रुपये | डीजल 95.56 रुपये

बेंगलुरु: पेट्रोल 110.93 रुपये | डीजल 98.80 रुपये

भुवनेश्वर: पेट्रोल 109.92 रुपये | डीजल 100.92 रुपये

चंडीगढ़: पेट्रोल 98.10 रुपये | डीजल 86.09 रुपये

हैदराबाद: पेट्रोल 115.69 रुपये | डीजल 103.82 रुपये

जयपुर: पेट्रोल 112.66 रुपये | डीजल 97.78 रुपये

लखनऊ: पेट्रोल 102.05 रुपये | डीजल 95.55 रुपये

पटना: पेट्रोल 113.35 रुपये | डीजल 99.36 रुपये

तिरुवनंतपुरम: पेट्रोल 115.49 रुपये | डीजल 104.40 रुपये

पिछले दो साल से स्थिर क्यों हैं कीमतें?

मई 2022 के बाद से केंद्र और कई राज्यों द्वारा टैक्स में कटौती की गई, जिसके बाद पेट्रोल-डीजल की कीमतों में स्थिरता देखी जा रही है। हालांकि अंतरराष्ट्रीय बाजार में उतार-चढ़ाव होता रहता है, फिर भी भारतीय उपभोक्ताओं के लिए कीमतें तुलनात्मक रूप से स्थिर बनी हुई हैं।

किन कारणों से तय होती हैं ईंधन की कीमतें?

  1. कच्चे तेल की कीमतें:

पेट्रोल और डीजल का उत्पादन मुख्य रूप से कच्चे तेल से होता है। जब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की कीमतें बढ़ती हैं, तो इसका असर सीधे भारतीय बाजार पर पड़ता है।

  1. डॉलर के मुकाबले रुपया:

भारत अधिकतर कच्चा तेल आयात करता है, और यह डॉलर में खरीदा जाता है। यदि रुपया कमजोर होता है, तो ईंधन महंगा हो जाता है।

  1. सरकारी टैक्स और शुल्क:

केंद्र और राज्य सरकारें पेट्रोल-डीजल पर भारी टैक्स लगाती हैं, जो खुदरा मूल्य का बड़ा हिस्सा होते हैं। यही कारण है कि राज्यों में कीमतों में अंतर होता है।

  1. रिफाइनिंग की लागत:

कच्चे तेल को इस्तेमाल लायक बनाने की प्रक्रिया (रिफाइनिंग) में भी खर्च होता है। ये लागत कच्चे तेल की गुणवत्ता और रिफाइनरी की क्षमता पर निर्भर करती है।

  1. मांग और आपूर्ति का संतुलन:

बाजार में ईंधन की मांग अगर बढ़ जाती है, तो कीमतें भी ऊपर जाने लगती हैं। खासकर त्योहारों, गर्मी या सर्दी के मौसम में ईंधन की खपत ज्यादा होती है।

कैसे करें अपने शहर की कीमतें SMS से चेक?

अगर आप मोबाइल से ईंधन की कीमत जानना चाहते हैं, तो ये प्रक्रिया आसान है:

Indian Oil ग्राहक: अपने शहर का कोड टाइप करें और उसे “RSP” के साथ 9224992249 पर भेजें।

BPCL ग्राहक: “RSP” लिखकर 9223112222 पर भेजें।

HPCL ग्राहक: “HP Price” लिखकर 9222201122 पर भेजें।

Gold Price Today: तीन दिनों से टूट रहा सोना, दिल्ली से पटना तक 24 से 18 कैरट बिक रहा इस भाव पर

Gold Rate Today in India: अमेरिका और ईरान के बीच एक बार फिर सैन्य हमलों ने पश्चिमी एशिया में तनाव बढ़ा दिया है। जियो-पॉलिटकल टेंशन में उछाल पर कच्चा तेल उबला तो इसने गोल्ड पर दबाव डाला और आज लगातार तीसरे दिन इसकी चमक फीकी पड़ी। एक दिन की स्थिरता के बाद राजधानी दिल्ली में लगातार तीसरे दिन गोल्ड सस्ता हुआ है। इन तीन दिनों में 24 कैरट वाला 10 ग्राम गोल्ड ₹1540 और 22 कैरट वाला ₹1410 सस्ता हुआ है। आज की बात करें तो राजधानी दिल्ली में 10 ग्राम का 24 कैरट और 22 कैरट वाला गोल्ड फिलहाल ₹10 सस्ता हुआ है। चांदी की बात करें तो जियो-पॉलिटिकल टेंशन के साथ-साथ इंडस्ट्रीज की तरफ से डिमांड में सुस्ती ने इस पर भी दबाव डाला है और इसकी चमक फीकी की है। लगातार तीन दिनों की स्थिरता के बाद आज इसके भाव नीचे आए हैं। आज एक किलो चांदी ₹100 सस्ती हुई है।

सिटीवाइज गोल्ड के भाव

देश के 10 बड़े शहरों में 18 कैरट, 22 कैरट और 24 कैरट शुद्धता वाले 10 ग्राम सोने की कीमत क्या है, आइए जानते हैं…

शहर 24 कैरट 10 ग्राम गोल्ड भाव22 कैरट 10 ग्राम गोल्ड भाव 18 कैरट 10 ग्राम गोल्ड भाव 
दिल्ली₹1,42,940₹1,31,040₹1,07,240
मुंबई₹1,42,790₹1,30,890₹1,07,090
कोलकाता₹1,42,790₹1,30,890₹1,07,090
चेन्नई₹1,43,450₹1,31,490₹1,09,690
बेंगलुरू₹1,42,790₹1,30,890₹1,07,090
हैदराबाद₹1,42,790₹1,30,890₹1,07,090
लखनऊ₹1,42,940₹1,31,040₹1,07,240
पटना₹1,42,840₹1,30,940₹1,07,140
जयपुर₹1,42,940₹1,31,040₹1,07,240
अहमदाबाद₹1,42,840₹1,30,940₹1,07,140

तीन दिनों की स्थिरता के बाद फिसली चांदी

चांदी की बात करें तो लगातार तीन दिनों की स्थिरता के बाद आज इसके भाव नीचे आए हैं। तीन दिनों की स्थिरता से पहले एक किलो चांदी 11 जुलाई को ₹5 हजार सस्ती हुई थी तो 10 जुलाई को ₹5 हजार महंगी और ₹9 जुलाई को ₹10 हजार सस्ती हुई थी। अब आज की बात करें तो दिल्ली में एक किलो चांदी ₹100 सस्ती होकर ₹2,34,900 के भाव में बिक रही है। बाकी अहम महानगरों की बात करें तो मुंबई, कोलकाता और चेन्नई में भी यह इसी भाव पर बिक रही है यानी देश के चारों बड़े महानगरों में चांदी समान भाव पर बिक रही है।

इस कारण है दबाव

एलकेपी सिक्योरिटीज में वाइस प्रेसिडेंट (कमोडिटी & करेंसी रिसर्च एनालिस्ट) जतिन त्रिवेदी का कहना है कि अमेरिकी फेडरल रिजर्व की ओर से 2026 में एक बार ब्याज दर बढ़ाने के संकेत मिलने के बाद सोने पर दबाव बढ़ गया है। इससे अमेरिकी डॉलर मजबूत हुआ है और सोने जैसे ऐसे एसेट्स की चमक कुछ कम हुई है, जो कोई ब्याज नहीं देतीं। फेड के सख्त रुख के बाद बुलियन बाजार में बड़े पैमाने पर मुनाफावसूली भी देखने को मिली है।

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Ashadha Gupt Navratri 2026: आज से शुरू हो रही आषाढ़ गुप्त नवरात्रि, जानें कलश स्थापना का मुहूर्त और गृहस्थों के लिए सरल पूजा विधि

Ashadha Gupt Navratri 2026: आषाढ़ गुप्त नवरात्रि हिंदू धर्म में मनाई जाने वाली दो गुप्त नवरात्रियों में से एक है। दूसरी गुप्त नवरात्रि माघ महीने में आती है। आषाढ़ गुप्त नवरात्रि आषाढ़ मास के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि से नवमी तिथि तक मनाई जाती है। गुप्त नवरात्रि में मां दुर्गा के नौ रूपों के साथ-साथ 10 महाविद्याओं, मां काली, तारा देवी, त्रिपुर सुंदरी, भुवनेश्वरी, छिन्नमस्ता, भैरवी, धूमावती, बगलामुखी, मातंगी, और कमला देवी की विशेष आराधना की जाती है।

मान्यता है कि इस दौरान की जाने वाली गुप्त साधनाएं बहुत जल्दी फलदायी होती हैं और साधक को विशेष सिद्धियां प्राप्त होती हैं। इसमें सांसारिक इच्छाओं की पूर्ति के साथ-साथ आध्यात्मिक उन्नति के लिए पूजा की जाती है। ये 9 दिन साधना, मंत्र जाप, तंत्र-मंत्र और आध्यात्मिक सिद्धियों की प्राप्ति के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है। आषाढ़ गुप्त नवरात्रि 15 जुलाई 2026, बुधवार से शुरू होकर 23 जुलाई 2026 तक मनाई जाएगी।

घटस्थापना मुहूर्त

हिंदू पंचांग के अनुसार, आषाढ़ माह के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि 14 जुलाई 2026 को सुबह 11 बजकर 42 मिनट पर शुरू होगी और प्रतिपदा तिथि का समापन 15 जुलाई 2026 को सुबह 08 बजकर 20 मिनट पर होगा। घटस्थापना का शुभ मुहूर्त सुबह 06 बजकर 03 मिनट से सुबह 08 बजकर 20 मिनट तक रहेगा। कलश स्थापना के मुहूर्त की कुल अवधि 2 घंटे 17 मिनट है।

कलश स्थापना विधि

आषाढ़ गुप्त नवरात्रि में घटस्थापना के लिए पूजा स्थल की साफ-सफाई करें और गंगाजल से छिड़काव करें। इसके बाद एक चौकी पर लाल या पीले रंग का साफ वस्त्र बिछाएं और मां दुर्गा के दस महाविद्याओं की प्रतिमा या चित्र स्थापित करें। मिट्टी या तांबे के कलश में साफ जल भरकर आम के पत्ते और उसके ऊपर नारियल रखें। मां दुर्गा का ध्यान लगाएं। कलश स्थापना के बाद अखंड दीप लगाएं। दुर्गा सप्तशती का पाठ करें। अंत में मां दुर्गा की आरती करें और पूजा के दौरान हुई भूलचूक के लिए क्षमा मांगे।

गुप्त नवरात्रि में गृहस्थ श्रद्धालु इस विधि से करें पूजा 

गुप्त नवरात्रि केवल तांत्रिक साधना तक सीमित नहीं है। गृहस्थ श्रद्धालु भी पूरी श्रद्धा के साथ मां दुर्गा की पूजा कर सकते हैं। इसके लिए प्रातः स्नान कर घर के ईशान कोण को साफ कर एक चौकी पर लाल कपड़ा बिछाएं और मां दुर्गा की प्रतिमा या चित्र स्थापित करें। इसके बाद एक पात्र में मिट्टी डालकर उसमें जौ बो दें। मिट्टी या तांबे के कलश में अक्षत, सुपारी, जल और सिक्का डाल दें। कलश के मुख पर आम के पत्ते लगा दें और ऊपर नारियल रखकर स्थापित करें। फिर दीपक जलाकर देवी को लाल पुष्प, रोली, अक्षत, चुनरी, फल तथा नैवेद्य अर्पित करें। पूजा के दौरान दुर्गा सप्तशती, दुर्गा चालीसा, अर्गला स्तोत्र, कवच या देवी के बीज मंत्रों का श्रद्धापूर्वक जाप किया जा सकता है। अगर संभव हो तो नौ दिनों तक सात्विक भोजन करें, ब्रह्मचर्य का पालन करें और क्रोध, असत्य तथा नकारात्मक विचारों से दूर रहें।

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यूपी में सरकारी भर्ती हुई स्मार्ट, योगी सरकार ने शुरू किया OTR सिस्टम, अब बार-बार फॉर्म भरने की जरूरत नहीं

उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने सरकारी नौकरियों की तैयारी कर रहे युवाओं को बड़ी सुविधा देते हुए उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग के माध्यम से 14 जुलाई 2026 से वन टाइम रजिस्ट्रेशन व्यवस्था शुरू कर दी है। यह सुविधा पूरी तरह नि:शुल्क है और भविष्य में होने वाली पीईटी सहित अन्य भर्ती परीक्षाओं के लिए आवेदन प्रक्रिया को पहले से अधिक सरल, पारदर्शी और सुविधाजनक बनाएगी। सरकार का उद्देश्य भर्ती प्रक्रिया को तकनीक आधारित, तेज और अभ्यर्थी हितैषी बनाना है।

 

एक बार दर्ज करना होगा विवरण

 

ओटीआर व्यवस्था के तहत अभ्यर्थियों को अपना व्यक्तिगत विवरण केवल एक बार दर्ज करना होगा। इसके बाद भविष्य की भर्तियों में वही जानकारी स्वतः उपलब्ध रहेगी और बार-बार फॉर्म भरने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी। अभ्यर्थियों को मोबाइल नंबर और ई-मेल के माध्यम से ओटीआर सत्यापन कराना होगा। साथ ही नाम, माता-पिता का नाम, जन्मतिथि, जाति, पता और शैक्षणिक योग्यता जैसी जानकारी दर्ज करनी होगी। छह माह के भीतर की रंगीन फोटो और निर्धारित प्रारूप में हस्ताक्षर भी अपलोड करने होंगे।

 

पीईटी स्कोर का मिलेगा पूरा लाभ

 

योगी सरकार की इस नई व्यवस्था का सबसे बड़ा लाभ यह होगा कि पीईटी परीक्षा का स्कोर तीन वर्ष तक मान्य रहेगा। यदि किसी अभ्यर्थी के पास एक से अधिक वैध पीईटी स्कोर होंगे तो भविष्य की भर्ती में वह अपने सर्वाधिक अंक वाले स्कोर का उपयोग कर सकेगा। इससे योग्य अभ्यर्थियों को बेहतर अवसर मिलेंगे।

 

पूरी प्रक्रिया होगी डिजिटल और पारदर्शी

 

ओटीआर प्रणाली भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता और विश्वसनीयता को बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण है। डिजिटल रिकॉर्ड होने से अभ्यर्थियों का डेटा सुरक्षित रहेगा और आवेदन प्रक्रिया में त्रुटियों की संभावना कम होगी। आयोग ने स्पष्ट किया है कि ओटीआर नंबर जारी होने के बाद दर्ज विवरण में संशोधन नहीं किया जा सकेगा, इसलिए अभ्यर्थियों को सभी जानकारियां सावधानीपूर्वक भरनी होंगी।

 

युवाओं के लिए पूरी तरह नि:शुल्क सुविधा

 

योगी सरकार ने इस सुविधा को सभी नए और पुराने अभ्यर्थियों के लिए पूरी तरह नि:शुल्क रखा है। इससे आर्थिक बोझ कम होगा और अधिक से अधिक युवा आसानी से भर्ती प्रक्रिया में शामिल हो सकेंगे। तकनीक आधारित यह पहल सरकारी नौकरियों की आवेदन प्रक्रिया को सरल, तेज और पारदर्शी बनाते हुए लाखों युवाओं को सीधा लाभ पहुंचाएगी। ओटीआर व्यवस्था को उत्तर प्रदेश में डिजिटल सुशासन और युवा हितैषी प्रशासन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

 

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने की थी घोषणा 

 

वन टाइम रजिस्ट्रेशन की अवधारणा को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 2023 में बढ़ावा दिया था। उस समय मुख्यमंत्री ने उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग के लिए ओटीआर पोर्टल और नई वेबसाइट का लोकार्पण करते हुए कहा था कि वन टाइम रजिस्ट्रेशन व्यवस्था अभ्यर्थियों के लिए आवेदन प्रक्रिया को सरल तथा सुगम बनाने में अत्यंत सहायक सिद्ध होगी।

ITR Filing 2026: ₹12.75 लाख तक सैलरी है, फिर भी देना पड़ सकता है टैक्स! जानिए क्यों

ITR Filing 2026: न्यू टैक्स रिजीम में कई नौकरीपेशा लोगों को लगता है कि अगर उनकी सालाना सैलरी ₹12.75 लाख तक है, तो उन्हें कोई इनकम टैक्स नहीं देना होगा। लेकिन हर मामले में ऐसा नहीं होता।

अगर आपकी कमाई का कुछ हिस्सा ऐसे स्रोतों से आया है, जिन पर अलग टैक्स दर लागू होती है, तो आपको टैक्स देना पड़ सकता है। भले ही आपकी सैलरी पर Section 87A के तहत टैक्स छूट मिल रही हो।

किन कमाई पर देना पड़ सकता है टैक्स?

Section 87A की छूट सिर्फ उस आय पर मिलती है, जिस पर सामान्य टैक्स स्लैब लागू होता है। लेकिन कुछ तरह की कमाई पर अलग नियम हैं। उन पर यह छूट नहीं मिलती। इनमें शामिल हैं…

  • शेयर बेचने पर शॉर्ट टर्म कैपिटल गेन
  • लॉन्ग टर्म कैपिटल गेन
  • लॉटरी से जीती रकम
  • घुड़दौड़ से कमाई
  • ऑनलाइन गेमिंग या फैंटेसी गेम्स से कमाई

यानी आपकी कुल आय ₹12.75 लाख से कम हो सकती है। फिर भी इन स्रोतों से कमाई हुई है, तो उस हिस्से पर टैक्स देना पड़ सकता है।

ऐसा क्यों होता है?

सरकार ने Section 87A की छूट सिर्फ सामान्य टैक्स स्लैब वाली आय के लिए दी है। जिन कमाई पर पहले से अलग टैक्स दर तय है, उन पर यह छूट लागू नहीं होती।

उदाहरण के लिए, अगर आपने ऑनलाइन गेमिंग या फैंटेसी स्पोर्ट्स से पैसे जीते हैं, तो उस कमाई पर 30% की फ्लैट टैक्स दर लगती है। गेमिंग प्लेटफॉर्म TDS भी काटते हैं। ऐसे में Section 87A का फायदा नहीं मिलेगा।

ITR भरते समय ये गलती न करें

  • अगर आपकी ऐसी कोई कमाई है, तो उसे ITR में जरूर दिखाएं।
  • कैपिटल गेन को सही तरह शॉर्ट टर्म या लॉन्ग टर्म में दर्ज करें।
  • खरीद और बिक्री की पूरी जानकारी भरें।
  • AIS और Form 26AS से आंकड़ों का मिलान करें।
  • लॉटरी, घुड़दौड़ और ऑनलाइन गेमिंग से हुई कमाई भी जरूर बताएं।
  • सिर्फ इसलिए पूरी आय को टैक्स-फ्री न मान लें कि आपकी सैलरी ₹12.75 लाख से कम है।

अगर आपने ऐसी आय छिपाई या गलत जानकारी दी, तो बाद में इनकम टैक्स विभाग की तरफ से टैक्स डिमांड या नोटिस आ सकता है।

Salary Hike SIP: सैलरी बढ़ने पर कितनी बढ़ाएं SIP? इन 5 चीजों को देखकर करें फैसला

Disclaimer: यहां दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जागरूकता के लिए है। किसी भी निवेश, लोन, टैक्स, बीमा या दूसरे वित्तीय फैसले लेने से पहले संबंधित एक्सपर्ट्स से सलाह जरूर लें। मनीकंट्रोल किसी भी फाइनेंशियल प्रोडक्ट या सर्विस की सिफारिश नहीं करता।

₹830 की पानी पुरी और 1,270 रुपये की पाव भाजी… लंदन में Haldiram के दाम देख चौंके भारतीय! भारत से 7 गुना मिल रहा महंगा

Haldiram’s London food prices: भारत में कई परिवारों के पसंदीदा और सबसे भरोसेमंद रेस्टोरेंट ‘हल्दीराम’ (Haldiram’s) ने अब लंदन में भी अपना नया आउटलेट खोल लिया है। सोशल मीडिया पर इस नए आउटलेट के बाहर लगी लोगों की लंबी लाइन के वीडियो जमकर वायरल हो रहे हैं। लेकिन जिस बात ने सबसे ज्यादा लोगों का ध्यान खींचा है, वह है इसके खाने की कीमतें…। भारत में जहां एक प्लेट पानी पुरी करीब ₹75 में मिल जाती है। वहीं, लंदन के Haldiram’s में इसकी कीमत £6.50 (करीब ₹830) रखी गई है।

इसी तरह पाव भाजी के लिए ग्राहकों को £9.90 (करीब ₹1,270) और गार्लिक नान के लिए £5 (करीब ₹640) चुकाने पड़ रहे हैं। यानी लंदन में Haldiram’s के अधिकांश व्यंजनों की कीमतें भारत के मुकाबले लगभग सात गुना अधिक हैं। हालांकि, विशेषज्ञों का मानना है कि ब्रिटेन में रेस्तरां चलाने की भारत के मुकाबले अधिक लागत, आयात शुल्क, टैक्स और कर्मचारियों पर होने वाला खर्च भारत की तुलना में काफी अधिक है। यही वजह है कि वहां कीमतें भी ज्यादा रखी गई हैं।

इसके अलावा, Haldiram’s ने लंदन में खुद को एक प्रीमियम भारतीय कैजुअल डाइनिंग ब्रांड के रूप में पेश करने की रणनीति अपनाई है, न कि भारत की तरह किफायती फैमिली रेस्तरां के रूप में…। लंदन आउटलेट का मेन्यू भी भारत की तुलना में छोटा और चुनिंदा व्यंजनों वाला है। इसमें हर डिश का डिटेल्स दिया गया है ताकि विदेशी ग्राहकों को भारतीय व्यंजनों को बेहतर ढंग से समझने में आसानी हो।

किसका था आइडिया?

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, ‘लेस्टर स्क्वायर’ (Leicester Square)  स्थित इस रेस्तरां में 110 लोगों के बैठने की क्षमता है। Haldiram’s के इस अंतरराष्ट्रीय विस्तार के पीछे परिवार की 24 वर्षीय रिया अग्रवाल की अहम भूमिका बताई जा रही है। रिया ने करीब 11 वर्षों तक लंदन में पढ़ाई की है। उनका मानना है कि ब्रिटेन में भारतीय भोजन की बढ़ती लोकप्रियता को देखते हुए Haldiram’s को वहां एक घरेलू नाम बनाया जा सकता है। इसी सोच के साथ कंपनी ने ब्रिटेन के मार्केट में कदम रखा है।

लंदन और भारत के दामों में जमीन-आसमान का अंतर 

पानी पूरी: भारत में जहां एक प्लेट पानी पूरी के लिए आपको अमूमन ₹75 देने पड़ते हैं। वहीं लंदन में इसके लिए लोगों को 830 रुपये चुकाने पड़ रहे हैं।

पाव भाजी: भारत में मिलने वाली बजट-फ्रेंडली ‘पाव भाजी’ के लिए लंदन में 9.90 पाउंड यानी करीब ₹1,270 ढीले करने होंगे।

गार्लिक नान: इसी तरह एक गार्लिक नान की कीमत 5 पाउंड यानी लगभग ₹640 है।

लंदन स्टोर में हल्दीराम के खाने की कीमतें देश की राजधानी दिल्ली के मुकाबले आसानी से 7 गुना ज्यादा हैं। इसके अलावा, विदेशियों को भारतीय व्यंजनों के बारे में बेहतर ढंग से समझाने के लिए वहां का मेन्यू काफी छोटा और हर डिश के डिस्क्रिप्शन (description) के साथ तैयार किया गया है।

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आखिर इतने महंगे क्यों हैं दाम?

आपको बता ही है कि लंदन जैसे शहर में रेस्टोरेंट चलाने का ऑपरेटिंग खर्च (किराया, स्टाफ की सैलरी), मसालों और सामग्रियों के इंपोर्ट का खर्च और टैक्स भारत के मुकाबले बहुत अधिक है। इसके साथ ही, हल्दीराम खुद को वहां एक रोजमर्रा के बजट रेस्टोरेंट के बजाय एक प्रीमियम इंडियन कैजुअल डाइनिंग स्पॉट के रूप में स्थापित करना चाहता है।

HPCL conducts retail fuel inspections to verify ethanol quality

Hindustan Petroleum fuel inspection

Hindustan Petroleum Corporation Limited (HPCL) said that it has completed an extensive nationwide fuel quality surveillance operation across its retail network to monitor ethanol-blended petrol compliance. It said that the inspection cycle concluded with zero reported instances of adulteration, contamination, or critical quality lapses.

  1. HPCL conducted 2,173 unannounced inspections at fuel outlets
  2. Inspection was to specifically verify localized ethanol blending metrics 

According to operational data released by HPCL, field officers executed 2,173 unannounced surprise inspections at retail outlets between July 7 and July 13, 2026, specifically to verify localized ethanol blending metrics. These surprise checks were conducted alongside 1,385 regular field inspections scheduled throughout the network between July 3 and July 13, 2026.

The monitoring campaign also involved the company’s dedicated Quality Assurance Cell, which functions as an internal anti-adulteration division. The unit carried out 93 targeted surprise inspections, while technical teams utilized mobile laboratory facilities to test 49 individual fuel samples directly on-site.

अब देश को मिलेगी पहली सरकारी AI यूनिवर्सिटी! जानिए इसे लेकर क्या हुआ ऐलान, कैसी है तैयारी

AI university in India: आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के क्षेत्र में भारत एक नया इतिहास रचने जा रहा है। देश को जल्द ही अपनी पहली सरकारी एआई यूनिवर्सिटी मिलने वाली है। कर्नाटक के मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने मंगलवार (14 जुलाई) को यह बड़ा ऐलान किया कि राज्य देश की पहली सरकारी स्तर की आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यूनिवर्सिटी स्थापित करेगा।

मुख्यमंत्री ने यह महत्वपूर्ण घोषणा बेंगलुरु में आयोजित Google I/O Connect India 2026 के उद्घाटन के दौरान की। इस कार्यक्रम में देश और दुनिया भर से टेक्नोलॉजी लीडर्स, इनोवेटर्स, एंटरप्रेन्योर्स, डेवलपर्स, रिसर्चर्स और पॉलिसी मेकर्स हिस्सा ले रहे हैं।

एआई यूनिवर्सिटी और AI Hub की होगी स्थापना

पीटीआई की रिपोर्ट के मुताबिक, सीएम डीके शिवकुमार ने बताया कि राज्य सरकार जिम्मेदार एआई इनोवेशन के मामले में कर्नाटक को एक वैश्विक लीडर बनाना चाहती है। इसके लिए दो बड़े कदम उठाए जा रहे हैं। पहला सरकारी एआई यूनिवर्सिटी बनाई जाएगी। यह प्रस्तावित यूनिवर्सिटी विश्व स्तरीय एआई टैलेंट तैयार करने, रिसर्च को आगे बढ़ाने और अकादमिक जगत, इंडस्ट्री एवं सरकार के बीच सहयोग को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

दूसरा AI Hub भी स्थापित होगा जो स्टार्टअप्स, कंपनियों और अन्य संस्थानों द्वारा एआई के क्षेत्र में रिसर्च और डेवलपमेंट के लिए एक इनक्यूबेशन सेंटर के रूप में काम करेगा। सीएम ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की तुलना भाप के इंजन, बिजली, इंटरनेट और मोबाइल टेक्नोलॉजी से करते हुए कहा कि यह इस पीढ़ी की सबसे बड़ी तकनीकी क्रांति है।

आईटी सेक्टर में कर्नाटक की मजबूत हिस्सेदारी

बेंगलुरु और कर्नाटक के मौजूदा तकनीकी दबदबे को बताते हुए सीएम डीके शिवकुमार ने कुछ बेहद महत्वपूर्ण आंकड़े भी साझा किए। उन्होंने बताया कि भारत के कुल सॉफ्टवेयर निर्यात में अकेले कर्नाटक की हिस्सेदारी लगभग 40 प्रतिशत है। बेंगलुरु वर्तमान में 17000 से अधिक स्टार्टअप्स और हजारों ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर्स का घर है जो वैश्विक बाजार के लिए प्रोडक्ट्स डिजाइन और इंजीनियर करते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का उद्देश्य राज्य को एक AI-native राज्य बनाना है। ऐसा राज्य जहां एआई केवल एक तकनीकी नारा बनकर न रहे बल्कि इसका इस्तेमाल सुशासन और लोगों के रोजमर्रा के जीवन को बेहतर बनाने के लिए जिम्मेदारी से किया जाए।

इन 5 क्षेत्रों में गूगल के साथ साझेदारी का न्योता

मुख्यमंत्री शिवकुमार ने कर्नाटक के साथ दो दशकों से अधिक समय की गूगल की साझेदारी की सराहना की। उन्होंने कहा कि सर्च, एंड्रॉयड, यूट्यूब, मैप्स, क्रोम, जीमेल और गूगल पे जैसे गूगल के प्रोडक्ट्स ने भारतीयों के ज्ञान प्राप्त करने, व्यापार करने और सरकारी सेवाओं के साथ जुड़ने के तरीके को पूरी तरह से बदल दिया है।

मुख्यमंत्री ने गूगल को शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, जलवायु अनुकूलन, अर्बन मोबिलिटी और सुशासन के लिए एआई समाधान बनाने में सहयोग करने के लिए आमंत्रित किया। उन्होंने सहयोग के लिए 5 प्रमुख क्षेत्रों का खाका पेश किया:-

1- एआई टूल्स का विकास: शिक्षा, स्वास्थ्य सेवा, कृषि और छोटे व्यवसायों के लिए विशेष एआई टूल्स विकसित करना।

2- भारतीय स्टार्टअप्स को सपोर्ट: बड़े पैमाने पर भारतीय चुनौतियों का समाधान खोजने वाले स्टार्टअप्स को सहायता देना।

3- एआई लर्निंग का विस्तार: पूरे कर्नाटक में छात्रों के लिए एआई सीखने के अवसरों को बढ़ाना।

4- ग्लोबल लैबोरेटरी बनाना: कर्नाटक को जिम्मेदार टेक्नोलॉजी के लिए एक वैश्विक प्रयोगशाला के रूप में स्थापित करना।

5- लॉन्ग-टर्म पार्टनरशिप: इकोसिस्टम पार्टनर के रूप में गूगल की दीर्घकालिक प्रतिबद्धता को और गहरा करना।

भविष्य के लिए डिजिटल इन्फ्रास्ट्रक्चर की तैयारी

कर्नाटक सरकार देश के इस तकनीकी हब के रूप में अपनी स्थिति को और मजबूत करने के लिए प्रतिबद्ध है। इसके लिए राज्य सरकार डेटा सेंटर्स सहित अपने डिजिटल इन्फ्रास्ट्रक्चर का विस्तार जारी रखेगी ताकि एआई इनोवेशन, क्लाउड कंप्यूटिंग और अगली पीढ़ी की डिजिटल सेवाओं को जरूरी सपोर्ट मिल सके।

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समारोह के अंत में डेवलपर्स और युवाओं को प्रोत्साहित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि तकनीकी क्रांतियां हमेशा जिज्ञासा और ‘क्या हम इसे अलग तरीके से कर सकते हैं?’ पूछने की इच्छा से शुरू होती हैं। उन्होंने डेवलपर्स को निडर होकर निर्माण करने, उद्यमियों को बड़े सपने देखने और शोधकर्ताओं को नवाचार जारी रखने का आग्रह किया।

PoK में विरोध प्रदर्शन पर MEA का बड़ा बयान, Hormuz और Pakistan को लेकर क्या है भारत का प्लान

भारत ने मंगलवार को पाकिस्तान अधिकृत जम्मू-कश्मीर (PoK) में जारी विरोध प्रदर्शनों को लेकर पाकिस्तान पर तीखा हमला बोला। विदेश मंत्रालय (MEA) ने कहा कि ये प्रदर्शन पाकिस्तान द्वारा दशकों से किए जा रहे व्यवस्थित शोषण, मौलिक अधिकारों से वंचित रखने और अवैध कब्जे वाले क्षेत्रों में दमनकारी प्रशासन का सीधा परिणाम हैं।

 

विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने साप्ताहिक प्रेस ब्रीफिंग में कहा कि स्थानीय लोगों की जायज शिकायतों का समाधान करने के बजाय पाकिस्तान सरकार प्रदर्शनकारियों पर अत्यधिक पुलिस बल का इस्तेमाल कर रही है।

 

उन्होंने कहा, “पाकिस्तान अधिकृत जम्मू-कश्मीर में चल रहे प्रदर्शन पाकिस्तान के दशकों पुराने शोषण, मौलिक अधिकारों के हनन और अवैध कब्जे वाले क्षेत्रों में दमनकारी शासन का परिणाम हैं। स्थानीय लोगों की वास्तविक समस्याओं को दूर करने के बजाय पाकिस्तान ने पुलिस की बर्बरता का सहारा लिया है। हमें उम्मीद है कि अंतरराष्ट्रीय समुदाय इन गंभीर मानवाधिकार उल्लंघनों और कृत्यों के लिए पाकिस्तान को जवाबदेह ठहराएगा।”

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PoK भारत का अभिन्न हिस्सा

 

भारत लंबे समय से यह स्पष्ट करता रहा है कि पाकिस्तान अधिकृत जम्मू-कश्मीर भारत का अभिन्न हिस्सा है। भारत लगातार पाकिस्तान पर इस क्षेत्र में रहने वाले लोगों के मानवाधिकारों के उल्लंघन और उनके अधिकारों के दमन का आरोप लगाता रहा है।

होर्मुज जलडमरूमध्य की स्थिति पर भी जताई चिंता

विदेश मंत्रालय ने पश्चिम एशिया की मौजूदा स्थिति पर भी चिंता व्यक्त की। MEA ने कहा कि होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से सुरक्षित और निर्बाध समुद्री आवाजाही वैश्विक ऊर्जा और आर्थिक सुरक्षा के लिए बेहद जरूरी है।

 

रणधीर जायसवाल ने कहा कि भारत पश्चिम एशिया की स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है। हाल ही में दो वाणिज्यिक जहाजों पर हुए हमलों में एक भारतीय नाविक की मौत पर भारत ने गहरा दुख व्यक्त किया है।

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खाड़ी क्षेत्र में 13 भारतीयों की मौत

सरकारी सूत्रों के हवाले से बताया गया कि 28 फरवरी 2026 से अब तक खाड़ी क्षेत्र में 13 भारतीय नागरिकों की मौत हो चुकी है, जबकि तीन भारतीय अभी भी लापता हैं।

 

शेख हसीना की वापसी पर भारत का जवाब

बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना की संभावित वापसी के सवाल पर विदेश मंत्रालय ने कहा कि भारत के रुख में कोई बदलाव नहीं आया है। यदि प्रत्यर्पण (Extradition) से जुड़ा कोई मामला सामने आता है तो उसका निपटारा कानूनी प्रक्रिया के तहत किया जाएगा।

 

नीरव मोदी के प्रत्यर्पण पर क्या बोला भारत?

भगोड़े कारोबारी नीरव मोदी को भारत लाने के सवाल पर रणधीर जायसवाल ने कहा कि इस मामले में कानूनी प्रक्रिया जारी है। कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही प्रत्यर्पण की कार्रवाई आगे बढ़ेगी।

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निज्जर हत्याकांड पर भी भारत की प्रतिक्रिया

कनाडा की रॉयल कैनेडियन माउंटेड पुलिस (RCMP) द्वारा लॉरेंस बिश्नोई गैंग का नाम हरदीप सिंह निज्जर हत्याकांड से जोड़ने पर भारत ने कहा कि RCMP की टिप्पणियां हाल ही में सार्वजनिक हुए अमेरिकी अभियोग (US Indictment) के अनुरूप हैं। भारत आतंकवाद और अंतरराष्ट्रीय संगठित अपराध के खिलाफ अपने साझेदार देशों के साथ मिलकर काम करने के लिए प्रतिबद्ध है।

19 नवंबर 2023 के बाद वनडे खेला जसप्रीत बुमराह ने, बनाया यह रिकॉर्ड (Video)

जसप्रीत बुमराह ने मंगलवार को अपने उल्लेखनीय करियर में एक और शानदार अध्याय जोड़ा, वह इंग्लैंड में एक दिवसीय अंतरराष्ट्रीय मैचों में भारत के सबसे सफल विकेट लेने वाले गेंदबाज बन गए और 150 एकदिवसीय विकेट के मील के पत्थर तक भी पहुंच गए।

तेज़ गेंदबाज़ ने वनडे के दौरान इंग्लैंड के हैरी ब्रूक को आउट करके दोहरी उपलब्धि हासिल की, और इंग्लैंड में 31 विकेट के साथ भारत के सर्वकालिक वनडे विकेट चार्ट में रवींद्र जड़ेजा के 30 विकेटों को पछाड़कर शीर्ष पर पहुंच गए।

जसप्रीत बुमराह का ऐतिहासिक विकेट अलग  अंदाज़ में आया। तेज गेंदबाज ने चतुराई से छिपी धीमी गेंद से ब्रुक को धोखा दिया जो पिच से अजीब तरीके से उछल गयी। इंग्लैंड का बल्लेबाज केवल गेंद का बचाव कर सका, जो गेंद से टकराकर पहली स्लिप में पूर्व कप्तान रोहित शर्मा के पास पहुंची।

ब्रुक तीन गेंदों में एक रन बनाकर आउट हो गए और बुमराह ने भारत को महत्वपूर्ण सफलता दिलाई। इस विकेट से वनडे क्रिकेट में बुमराह का 150वां विकेट भी जुड़ गया, जो भारत के महानतम सफेद गेंद गेंदबाजों में से एक के रूप में उनकी स्थिति को रेखांकित करता है।

उच्च दबाव वाली परिस्थितियों में अच्छा प्रदर्शन करने के लिए माने जाने वाले, बुमराह ने लगातार सभी परिस्थितियों में भारत के तेज आक्रमण का नेतृत्व किया है, इंग्लैंड में उनके कारनामे सीम-अनुकूल वातावरण में उनकी महारत के प्रमाण के रूप में सामने आए हैं।

इंग्लैंड में भारत के प्रमुख एकदिवसीय विकेट लेने वालों की अद्यतन सूची अब इस प्रकार है: जसप्रीत बुमराह (31), रवींद्र जड़ेजा (30), भुवनेश्वर कुमार (28), मदन लाल (27) और मोहम्मद शमी (26)। ये दोनों मील के पत्थर भारत के सबसे बेहतरीन तेज गेंदबाजों में से एक के रूप में बुमराह की विरासत को और मजबूत करते हैं, 32 वर्षीय गेंदबाज जब भी मैदान पर उतरते हैं तो रिकॉर्ड बुक को फिर से लिखना जारी रखते हैं।