‘शायद मेरे स्पेस लेजर काम नहीं आए…’, अमेरिकी मिडटर्म चुनाव में डेमोक्रेट्स की जीत पर मस्क का तंज

US Midterm Election Results 2026: अमेरिकी मिडटर्म चुनावों के नतीजों में डेमोक्रेटिक पार्टी के सीनेट पर कब्जा जमाने और रिपब्लिकन पार्टी के निराशाजनक प्रदर्शन के बीच दुनिया के सबसे अमीर शख्स एलन मस्क का पहला रिएक्शन आया है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर मस्क ने चुनावी नतीजों पर अपने मजाकिया और व्यंग्यात्मक अंदाज में तंज कसा।

मस्क ने पोस्ट करते हुए लिखा, ‘Guess my election-interfering space lasers didn’t work this time’ हिन्दी में इसका मतलब ये है कि- ‘शायद चुनाव में धांधली करने वाले मेरे स्पेस लेजर इस बार काम नहीं आए’।

मस्क का यह तंज उन वामपंथी ट्रोल्स और सोशल मीडिया कॉन्सपिरेसी थ्योरी पर कड़ा प्रहार है, जिनमें दावा किया जाता रहा है कि मस्क अपनी सैटेलाइट कंपनी ‘स्टारलिंक’ या स्पेस टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल चुनावों को प्रभावित करने और रिपब्लिकन को जिताने के लिए करते हैं।

रिपब्लिकन को सबसे बड़े फंड देने वालों में से एक थे मस्क

यह पोस्ट इसलिए भी बेहद महत्वपूर्ण है क्योंकि 2026 के इन मिडटर्म चुनावों में एलन मस्क डोनाल्ड ट्रंप और रिपब्लिकन पार्टी के सबसे बड़े समर्थक और डोनर के रूप में सामने आए थे। मस्क ने रिपब्लिकन उम्मीदवारों को जिताने के लिए करीब 500 मिलियन डॉलर यानी करीब 4,100 करोड़ रुपये की भारी-भरकम राशि राजनीतिक फंड्स दी थी।

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मतदान के ठीक एक दिन पहले मस्क ने X पर ‘Vote Red Today!’ लिखकर अमेरिकियों से रिपब्लिकन पार्टी को वोट देने की अपील भी की थी।

2025 में डोनाल्ड ट्रंप की राष्ट्रपति पद पर वापसी के बाद एलन मस्क ‘डिपार्टमेंट ऑफ गवर्नमेंट एफिशिएंसी’ (DOGE) के प्रमुख रहे और ट्रंप के सबसे करीबी सलाहकार बने।

इसके बावजूद, सीनेट में डेमोक्रेट्स की जीत और रिपब्लिकन के घटते जनाधार ने मस्क और ट्रंप कैंपेन को भारी आर्थिक व राजनीतिक झटका दिया है।

चुनावों का मौजूदा रुख और पावर शिफ्ट

2026 के मिडटर्म चुनावों के नतीजे राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के दूसरे कार्यकाल के लिए बहुत बड़ा गतिरोध बन गए हैं। डेमोक्रेट्स ने टेक्सास और कैरोलिना जैसे रिपब्लिकन गढ़ों को भेदते हुए बहुमत हासिल कर लिया है। सीनेट हाथ से जाने के बाद ट्रंप ने संसद के हर कानून पर ‘वीटो’ का इस्तेमाल करने और वाशिंगटन में डेमोक्रेट्स के बिल रोकने का ऐलान किया है।

ट्रंप की इस भयानक धमकी से डर गया ईरान! होर्मुज खोलने पर हुआ राजी, पर रखी ये 4 शर्तें

Iran-US Tensions Update: अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रंप द्वारा ईरान के संदिग्ध ठिकानों पर नई एयरस्ट्राइक करने की धमकी के बीच एक बड़ा कूटनीतिक मोड़ सामने आया है। ईरान ने घोषणा की है कि अगर अमेरिका उसकी शर्तें मान लेता है, तो वह महज 48 घंटों के भीतर दुनिया के सबसे अहम समुद्री तेल मार्ग ‘होर्मुज की खाड़ी’ को जहाजों की आवाजाही के लिए फिर से खोल सकता है।

ईरानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बकाई ने सोमवार को कहा कि पहले प्रस्तावित 7-दिन की समयसीमा को घटाकर 2-दिन करना तेहरान की ‘सद्भावना’ को दर्शाता है। वैसे उन्होंने साफ शब्दों में चेतावनी दी कि सब कुछ वाशिंगटन के फैसले पर निर्भर करता है।

होर्मुज खोलने के बदले ईरान ने रखीं ये 4 मुख्य शर्तें

कतरी मध्यस्थों के जरिए अमेरिका तक पहुंचाए गए प्रस्ताव के तहत ईरान ने जलडमरूमध्य खोलने और बातचीत की मेज पर लौटने के लिए ये 4 सख्त शर्तें रखी हैं:

 1. मध्य पूर्व में युद्ध विराम: मिडिल ईस्ट के सभी मोर्चों पर चल रही जंग और सैन्य कार्रवाइयों को पूरी तरह समाप्त किया जाए।

2. फ्रीज एसेट्स की बहाली: विदेशों में फ्रीज किए गए ईरान के सभी वित्तीय एसेट्स और फंड्स को तुरंत जारी किया जाए।

3. ऑयल सेक्टर पर बैन खत्म: ईरान के तेल क्षेत्र पर अमेरिका द्वारा लगाए गए सभी कड़े आर्थिक प्रतिबंध हटाए जाएं।

4. अमेरिकी नेवल नाकेबंदी का खात्मा: ईरानी बंदरगाहों पर अमेरिकी नौसेना द्वारा लगाई गई नेवल नाकेबंदी को पूरी तरह हटाया जाए।

इसके अलावा ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने अल जजीरा को दिए इंटरव्यू में मांग की कि अमेरिका हाल के महीनों में लगाए गए नए प्रतिबंधों को वापस ले, क्षेत्र में अमेरिकी सैनिकों की मौजूदगी कम करे और ओमान के साथ नए ट्रांजिट समझौते को स्वीकार करे।

ट्रंप की ‘पिकैक्स माउंटेन’ पर स्ट्राइक की धमकी और ईरान की पलटवार की चेतावनी

यह कूटनीतिक हलचल ऐसे समय में सामने आई है जब डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के ‘पिकैक्स माउंटेन’ समेत एक-दो संदिग्ध ठिकानों पर फिर से हमला करने की बात कही है। अमेरिका को शक है कि पिकैक्स माउंटेन का इस्तेमाल ईरान अपने परमाणु कार्यक्रम के लिए कर रहा है।

ट्रंप की इस धमकी पर तेहरान ने बेहद कड़ा रुख अपनाया है। प्रवक्ता इस्माइल बक़ाई ने दोटूक कहा, ‘ईरान पर किया गया कोई भी हमला या सैन्य कार्रवाई तुरंत, शक्तिशाली और व्यापक पलटवार का कारण बनेगी’।

होर्मुज की खाड़ी का बंद होना क्यों है पूरी दुनिया के लिए खतरा?

होर्मुज की खाड़ी दुनिया का सबसे महत्वपूर्ण ‘ऑयल शिपिंग रूट’ है, जो फारस की खाड़ी को ओमान की खाड़ी से जोड़ता है। फरवरी में मिडिल ईस्ट जंग शुरू होने के बाद से ईरान ने इस पर नियंत्रण स्थापित कर रखा है। अगर यह मार्ग बंद रहता है, तो वैश्विक बाजार में कच्चे तेल की आपूर्ति ठप्प हो जाएगी और दुनिया भर में पेट्रोल-डीजल की कीमतें आसमान छूने लगेंगी।