उम्मीद है कि Apple अपने सालाना सितंबर लॉन्च इवेंट में iPhone 18 Pro Max को पेश करेगा। इस इवेंट में कंपनी iPhone 18 Pro और एक नया iPhone Ultra भी लॉन्च कर सकती है। हालांकि Apple ने अभी तक इस इवेंट की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है, लेकिन कई रिपोर्ट्स से पता चलता है कि यह इवेंट 9 सितंबर को हो सकता है। इसके बाद उसी हफ्ते प्री-ऑर्डर शुरू हो सकते हैं और महीने के आखिर तक बिक्री भी शुरू होने की उम्मीद है।
मौजूदा लीक और रिपोर्ट्स के आधार पर iPhone 18 Pro Max से क्या-क्या उम्मीदें हैं, आइए उन पर एक नजर डालते हैं।
अनुमानित लॉन्च डेट
Apple हर साल सितंबर में अपने नए फ्लैगशिप iPhone लॉन्च करता है। इस साल भी कंपनी इसी परंपरा को जारी रख सकती है। अगर सामने आ रही रिपोर्ट्स सही साबित होती हैं, तो iPhone 18 Pro Max को 9 सितंबर को कैलिफोर्निया के क्यूपर्टिनो स्थित Steve Jobs Theatre में लॉन्च किया जा सकता है।
यह इवेंट Apple के CEO John Ternus के कार्यकाल में होने वाला कंपनी का पहला iPhone लॉन्च भी हो सकता है।
डिजाइन और डिस्प्ले
iPhone 18 Pro Max के डिजाइन में कोई बड़ा बदलाव होने की उम्मीद नहीं है। इसके बजाय, Apple पिछली जेनरेशन के डिजाइन को ही बरकरार रख सकता है और इसमें कुछ छोटे-मोटे बदलाव कर सकता है।
लीक से पता चलता है कि फोन में 6.9-इंच का LTPO OLED डिस्प्ले हो सकता है, जिसमें ProMotion टेक्नोलॉजी और 120Hz तक का अडैप्टिव रिफ्रेश रेट होगा। Apple के आउटडोर में बेहतर विजिबिलिटी के लिए पीक ब्राइटनेस को भी बेहतर बनाने की उम्मीद है। जहां कुछ रिपोर्ट में छोटे Dynamic Island का संकेत मिलता है, वहीं दूसरी रिपोर्ट बताती हैं कि यह बदलाव आने वाली किसी दूसरी जेनरेशन में देखने को मिल सकता है।
नया A20 Pro प्रोसेसर
iPhone 18 Pro Max में Apple का A20 Pro चिपसेट होने की उम्मीद है, जो खबरों के अनुसार 2nm मैन्युफैक्चरिंग प्रोसेस पर बेस्ड है।
इस प्रोसेसर के साथ 12GB RAM मिल सकती है, जिससे मल्टीटास्किंग बेहतर होने के साथ फोन में AI से जुड़े काम भी तेजी से किए जा सकेंगे। नया चिपसेट ग्राफिक्स परफॉर्मेंस, पावर एफिशिएंसी और फोन की ओवरऑल स्पीड को भी बेहतर बना सकता है।
कैमरा अपग्रेड
उम्मीद है कि Apple कैमरे में सुधार पर ध्यान देगा, खासकर Pro Max मॉडल के लिए। रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस स्मार्टफोन में वेरिएबल अपर्चर वाला कैमरा हो सकता है, जिससे यूजर्स सेंसर में आने वाली रोशनी की मात्रा को एडजस्ट कर सकेंगे। इससे डेप्थ ऑफ फील्ड और कम रोशनी में फोटोग्राफी पर बेहतर कंट्रोल मिलेगा।
इसके अलावा, इस फोन में ट्रिपल-कैमरा सेटअप बरकरार रहने की उम्मीद है, साथ ही A20 Pro चिप की वजह से बेहतर इमेज प्रोसेसिंग का फायदा भी मिलेगा, जिससे फोटो और वीडियो दोनों की क्वालिटी बेहतर होगी।
बैटरी और चार्जिंग
बैटरी की क्षमता के बारे में अभी कोई जानकारी नहीं मिली है, लेकिन रिपोर्ट्स बताती हैं कि Apple बैटरी का साइज बहुत ज्यादा बढ़ाने के बजाय हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर ऑप्टिमाइजेशन पर ध्यान देगा।
A20 Pro प्रोसेसर और iOS में सुधार के कॉम्बिनेशन से बैटरी लाइफ बेहतर होने की उम्मीद है।
भारत में अनुमानित कीमत
उम्मीद है कि iPhone 18 Pro Max अपने पिछले मॉडल से महंगा होगा। रिपोर्ट्स के अनुसार, Apple दुनिया भर में इसकी कीमत में लगभग $200 की बढ़ोतरी कर सकता है, जिससे भारत में भी इसकी लॉन्च कीमत 20,000 रुपये तक बढ़ सकती है।
लॉन्च से पहले की सभी जानकारियों की तरह, ये डिटेल्स भी लीक और इंडस्ट्री रिपोर्ट्स पर आधारित हैं। उम्मीद है कि Apple सितंबर में होने वाले लॉन्च इवेंट के दौरान इसके स्पेसिफिकेशन्स, कीमत और उपलब्धता की पुष्टि करेगा।
The Kylaq, Skoda’s most affordable offering in India, was introduced in 2024 and marked the brand’s return to the sub-4m space after years. Currently, the Kylaq is Skoda’s best-selling model in our market and has sold over 50,000 units since its launch as of February 2026. Here’s a breakdown of the powertrain options, comfort and convenience features, safety kit and exterior colours available on each trim of the Skoda SUV.
Skoda Kylaq variant-wise price and powertrain options
The base Classic trim misses out on an automatic transmission option
Skoda Kylaq ex-showroom price as of August 21, 2026 (Rs lakh)
Trim
MT
AT
Classic
7.59
–
Classic+
8.25
9.25
Signature
9.43
10.43
Signature+
10.77
11.77
Sportline
11.32
12.32
Prestige
11.75
12.75
Prestige+
11.99
12.99
The Skoda Kylaq has an ex-showroom price ranging from Rs 7.59 lakh to Rs 12.99 lakh. Except for the base Classic trim, the remaining trim levels offer both manual and automatic gearboxes. Powering the Kylaq is a 115hp, 178Nm, 1.0-litre direct-injection turbo-petrol engine that also does duty in the Kushaq and the Slavia. Transmission duties are handled by either a -speed manual or a 6-speed automatic gearbox. Notably, in Classic+ guise, the Kylaq is the most accessible car with a torque converter gearbox.
Skoda claims a top speed of 188kph and that the manual version is capable of a 0-100kph sprint in 10.5 seconds. In our Kylaq real-world performance tests, the automatic version achieved a 0-100kph time of 11.69 seconds. Skoda also claims an ARAI-rated fuel economy of 19.68kpl for the manual and 19.05kpl for the automatic; our Kylaq real-world mileage tests saw the manual average 12.86kpl, while the automatic went 11.03km on a litre of petrol.
Skoda Kylaq variant-wise colour options
Offered in seven colours on the outside, two on the inside
The compact SUV is offered in seven colours, namely, Candy White, Brilliant Silver, Cherry Red, Carbon Steel, Deep Black, Lava Blue, and Steel Grey. While all trims come in a monotone finish, select paint jobs on the Sportline come with a black roof. Additionally, the Sportline trim exclusively gets the Steel Grey colour option. The interior of the Skoda Kylaq gets a black and grey colour scheme as standard, but the Sportline has an all-black theme. Here’s a table comprising the available exterior colours on the Skoda Kylaq depending on the trim level chosen:
Colour
Classic
Classic+
Signature
Signature+
Sportline
Prestige
Prestige+
Candy White
Yes
Yes
Yes
Yes
Dual-tone
Yes
Yes
Brilliant Silver
Yes
Yes
Yes
Yes
Dual-tone
Yes
Yes
Cherry Red
Yes
Yes
Yes
Yes
Dual-tone
Yes
Yes
Carbon Steel
Yes
Yes
Yes
Yes
–
Yes
Yes
Deep Black
–
Yes
Yes
Yes
Yes
Yes
Yes
Lava Blue
–
Yes
Yes
Yes
Yes
Yes
Yes
Steel Grey
–
–
–
–
Dual-tone
–
–
Skoda Kylaq standard safety kit
Gets six airbags, ABS, EBD, traction control and more.
As standard, the Skoda Kylaq comes equipped with six airbags, ABS, EBD, ESC, traction control, brake disc wiping, roll-over protection, central locking, rear parking sensor, and ISOFIX mounts.
Skoda Kylaqvariant-wise features
Skoda Kylaq Classic: Rs 7.59 lakh
Gearbox option – 6MT
Skoda Kylaq Classic trim
LED headlights with LED daytime running lamps (DRLs)
Leatherette seat upholstery with Sportline inscription
LED projector headlamps
LED fog lamps with cornering function
Wireless phone charger
Skoda Kylaq Prestige – Rs 11.75 lakh-12.75 lakh
Gearbox options – 6MT, 6AT
Skoda Kylaq Prestige trim
Features over Signature+
Dual-tone 17-inch alloys
LED projector headlights
LED rear turn indicator and reverse lamp
Front LED fog lamps with static bending function
White ambient lighting
Leatherette upholstery on seats, front armrest and doors
Chrome parking brake tip
Ventilated front seats
Wireless phone charger
Anti-theft alarm
Skoda Kylaq Prestige+ – Rs 11.99 lakh-12.99 lakh
Gearbox options – 6MT, 6AT
Feature over Prestige
6-way powered front seats
Which Skoda Kylaq variant should you consider?
The mid-spec Signature+ trim offers good value for money
Starting at Rs 10.77 lakh, the mid-spec Signature+ trim offers dual digital screens, a single-pane sunroof, a rear parking camera with sensors, auto AC with rear vents, all-LED lighting and 16-inch silver alloy wheels, making it a value-for-money offering. While you do miss out on features such as a wireless phone charger and powered and ventilated front seats, the premium you have to pay for these is not justifiable. Moreover, this trim is available with both manual and automatic gearbox options.
However, if you are on a budget, you can consider the lower Signature trim, which offers a smaller touchscreen with wired Android Auto and Apple CarPlay, rear wiper and washer, rear AC vents and a sunroof. This trim also comes in both manual and automatic variants, and priced at Rs 9.43 lakh and Rs 10.43 lakh, respectively, they still offer a lot of value.
Although the Classic+ trim is also well-equipped for its price, the lack of an infotainment system makes recommending it a bit more challenging. However, the 7-inch OEM infotainment system with wired smartphone connectivity, offered with the higher Signature trim, is available in the online classifieds marketplace under Rs 10,000. If you are open to retrofitting it at your authorised dealership, the Classic+ trim becomes the most value-for-money option on a strict budget.
Compassionate Jobs: अनुकंपा नियुक्ति को लेकर छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने एक महत्वपूर्ण फैसला सुनाया है, जिस पर नए सिरे से चर्चा शुरू हो गई है। कोर्ट ने कहा कि अगर किसी मृत सरकारी कर्मचारी के एक से अधिक पात्र बच्चे अनुकंपा नियुक्ति का दावा करते हैं, तो बड़े बच्चे को उसकी वरिष्ठता के आधार पर प्राथमिकता दी जानी चाहिए। हाईकोर्ट ने मुंगेली जिले के एक मामले में छोटे बेटे को दी गई अनुकंपा नियुक्ति का आदेश रद्द करते हुए मामला जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) को वापस भेज दिया। कोर्ट ने निर्देश दिया कि पात्रता की जांच के बाद बड़े बेटे के दावे पर 30 दिनों के भीतर विचार किया जाए।
मुंगेली के सरकारी स्कूल में चपरासी के पद पर कार्यरत ईश्वर सिंह क्षत्रिय की सितंबर 2016 में मृत्यु हो गई थी। उनकी दो पत्नियां थीं। पहली पत्नी के बेटे जितेंद्र सिंह क्षत्रिय (35 वर्ष) और दूसरी पत्नी के बेटे राजकुमार दोनों ने अनुकंपा नियुक्ति के लिए आवेदन किया था। 7 अगस्त 2019 को मुंगेली के जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) ने छोटे बेटे राजकुमार को नौकरी दे दी। इसके खिलाफ बड़े बेटे जितेंद्र ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया।
अदालत का फैसला
जस्टिस संजय के. अग्रवाल की पीठ ने DEO के आदेश को रद्द कर दिया। कोर्ट ने कहा कि हालांकि दूसरी पत्नी से जन्मा बच्चा भी कानूनी वारिस होता है। लेकिन जब कई भाई-बहनों में से चुनाव करना हो तो वरिष्ठता (उम्र में बड़े होने) के नियम का पालन होना चाहिए। अदालत ने DEO को 30 दिनों के भीतर बड़े बेटे की पात्रता की जांच कर उसके दावे पर विचार करने का निर्देश दिया है।
दोनों बेटों ने किया था दावा
मामला मुंगेली के एक सरकारी उच्चतर माध्यमिक विद्यालय से जुड़ा है। वहां पदस्थ ईश्वर सिंह क्षत्रिय की 29 सितंबर 2016 को मृत्यु हो गई थी। उनके दो विवाह हुए थे। पहली पत्नी से उनका बेटा जितेंद्र सिंह क्षत्रिय और दूसरी पत्नी से बेटा राजकुमार था। पिता की मृत्यु के बाद दोनों बेटों ने अनुकंपा नियुक्ति के लिए आवेदन किया। हालांकि, जिला शिक्षा अधिकारी ने 7 अगस्त 2019 को राजकुमार को नौकरी देने का फैसला किया। इस फैसले को जितेंद्र ने हाईकोर्ट में चुनौती दी।
हाईकोर्ट ने क्या कहा?
मामले की सुनवाई करते हुए जस्टिस संजय के. अग्रवाल ने 8 अगस्त के आदेश में मुंगेली DEO के उस फैसले को रद्द कर दिया, जिसमें छोटे बेटे राजकुमार को अनुकंपा नियुक्ति दी गई थी। कोर्ट ने कहा कि जब एक से अधिक पात्र संतान अनुकंपा नियुक्ति का दावा करती हैं, तो उम्र और वरिष्ठता के आधार पर बड़े बच्चे के दावे को प्राथमिकता दी जानी चाहिए। हालांकि, कोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया कि केवल बड़ा होना ही पर्याप्त नहीं है। बड़े बेटे को नियुक्ति के लिए निर्धारित सभी पात्रता शर्तों को पूरा करना होगा। इसी कारण मामला दोबारा DEO के पास भेजा गया है।
शादीशुदा होना अनुकंपा नियुक्ति के रास्ते में बाधा नहीं
मामले में यह भी महत्वपूर्ण सवाल उठा कि क्या शादीशुदा संतान अनुकंपा नियुक्ति का लाभ ले सकती है। कोर्ट ने कहा कि विवाह अपने आप में आश्रित संतान को अनुकंपा नियुक्ति के लाभ से बाहर करने का आधार नहीं हो सकता। कोर्ट ने इस संबंध में पूर्व में दिए गए पटना हाईकोर्ट और झारखंड हाईकोर्ट के फैसलों का भी उल्लेख किया। अदालत ने माना कि यदि अन्य पात्रता शर्तें पूरी होती हैं तो केवल वैवाहिक स्थिति के आधार पर दावा खारिज नहीं किया जा सकता।
सरकार को बड़े बेटे के दावे की जांच करनी होगी
हाईकोर्ट ने मामले को जिला शिक्षा अधिकारी के पास वापस भेजते हुए निर्देश दिया कि जितेंद्र के दावे की पात्रता की जांच की जाए और उसके बाद 30 दिनों के भीतर उचित निर्णय लिया जाए। इस फैसले से उन मामलों में महत्वपूर्ण दिशा मिलती है, जहां मृत सरकारी कर्मचारी के एक से अधिक बच्चे अनुकंपा नियुक्ति के लिए पात्र होते हैं। कोर्ट के मुताबिक ऐसे मामलों में केवल विभाग की पसंद या किसी एक संतान को नियुक्ति देना पर्याप्त नहीं है। बल्कि पात्रता, वरिष्ठता और प्रशासनिक नियमों को ध्यान में रखकर फैसला किया जाना चाहिए।
वरिष्ठता अकेले सरकारी पद पर हक नहीं देती
इसी मामले से जुड़े एक अन्य फैसले में छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया कि सिर्फ वरिष्ठता के आधार पर किसी सरकारी कर्मचारी को ऊंचे पद पर नियुक्ति या प्रभार पाने का स्वतः अधिकार नहीं मिल जाता। एक ब्लॉक शिक्षा अधिकारी (BEO) ने जूनियर सहकर्मी को प्रभारी जिला शिक्षा अधिकारी बनाए जाने को चुनौती दी थी।
कोर्ट ने राज्य सरकार के फैसले को बरकरार रखा। पीठ ने कहा कि किसी अधिकारी को अस्थायी रूप से उच्च पद का प्रभार देना एक प्रशासनिक व्यवस्था है। इसमें प्रशासनिक उपयुक्तता और अधिकारी के पूरे रिकॉर्ड को भी देखा जा सकता है। अदालत ने स्पष्ट किया कि वरिष्ठता महत्वपूर्ण कारक हो सकती है, लेकिन वह अकेले किसी अधिकारी को उच्च पद का स्वतः अधिकार नहीं देती।
SBI Clek Vacancy 2026: स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) ने क्लेरिकल कैडर में 1,538 जूनियर एसोसिएट्स (कस्टमर सपोर्ट और सेल्स) की भर्ती के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया शुरू कर दी है। यह भर्ती अनुसूचित जाति (SC), अनुसूचित जनजाति (ST) और अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) के उम्मीदवारों के लिए रिजर्व बैकलॉग वैकेंसी के लिए एक स्पेशल ड्राइव के तौर पर की जा रही है। पंजीकरण प्रक्रिया 7 अगस्त, 2026 से शुरू हो गई है। इच्छुक और योग्य उम्मीदवार 27 अगस्त, 2026 तक अपने एप्लीकेशन जमा कर सकते हैं। उम्मीदवार सिर्फ एक राज्य या केंद्र शासित प्रदेश (UT) में भर्ती के लिए आवेदन कर सकते हैं।
एसबीआई क्लर्क बैकलॉग पद कई राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में फैले हुए हैं। एसबीआई ने 207 एससी, 1,219 एसटी और 112 ओबीसी पद अधिसूचित किए हैं, जिससे कुल पदों की संख्या 1,538 हो गई है। भर्ती के जरिए चयनित उम्मीदवारों को उसी राज्य या केंद्र शासित प्रदेश में पोस्ट किया जाएगा जिसके लिए उन्होंने आवेदन किया था।
एसबीआई क्लर्क भर्ती 2026: कौन अप्लाई कर सकता है?
1 अप्रैल, 2026 को कैंडिडेट्स की उम्र 20 से 28 साल के बीच होनी चाहिए। उनका जन्म 2 अप्रैल, 1998 और 1 अप्रैल, 2006 के बीच हुआ होना चाहिए, दोनों तारीखें शामिल हैं।
कैंडिडेट्स के पास किसी मान्यता प्राप्त यूनिवर्सिटी से किसी भी सब्जेक्ट में ग्रेजुएशन की डिग्री या सेंट्रल गवर्नमेंट द्वारा मान्यता प्राप्त बराबर की क्वालिफिकेशन होनी चाहिए। जो लोग ग्रेजुएशन के आखिरी साल या सेमेस्टर में हैं, वे भी प्रोविजनल तौर पर अप्लाई कर सकते हैं, बशर्ते वे 31 दिसंबर, 2026 तक अपनी ग्रेजुएशन पूरी कर लें।
कैंडिडेट्स को अपने चुने हुए राज्य या केंद्र शासित प्रदेश की बताई गई लोकल भाषा को पढ़ना, लिखना, बोलना और समझना भी आना चाहिए।
एसबीआई क्लर्क भर्ती 2026: चयन प्रक्रिया
एसबीआई क्लर्क भर्ती 2026 के तहत उम्मीदवारों का चयन तीन चरणों में होगा।
प्रीलिमिनरी एग्जाम
मेन एग्जाम
लोकल लैंग्वेज प्रोफिशिएंसी टेस्ट (LLPT), जहां लागू हो
प्रीलिमिनरी एग्जाम 100 मार्क्स का होगा और एक घंटे का होगा। इसमें तीन सेक्शन होंगे:
इंग्लिश लैंग्वेज : 30 सवाल
न्यूमेरिकल एबिलिटी : 35 सवाल
रीजनिंग एबिलिटी : 35 सवाल
हर सेक्शन के लिए 20 मिनट का अलग-अलग टाइम होगा। हर गलत जवाब के लिए कैंडिडेट्स को एक सवाल के लिए दिए गए मार्क्स का एक-चौथाई हिस्सा काट लिया जाएगा।
मुख्य परीक्षा के लिए शॉर्टलिस्ट किए गए कैंडिडेट्स 200 मार्क्स के 190 सवालों के पेपर में शामिल होंगे। एग्ज़ाम का कुल समय 2 घंटे 40 मिनट होगा।
मुख्य परीक्षा में जनरल/फाइनेंशियल अवेयरनेस, जनरल इंग्लिश, क्वांटिटेटिव एप्टीट्यूड, और रीज़निंग एबिलिटी और कंप्यूटर एप्टीट्यूड शामिल होंगे। हर गलत जवाब के लिए एक सवाल के लिए दिए गए मार्क्स का एक-चौथाई हिस्सा काट लिया जाएगा।
प्राथमिक परीक्षा में मिले अंक मेरिट लिस्ट में नहीं जोड़े जाएंगे। फाइनल मेरिट लिस्ट मुख्य परीक्षा में मिले मार्क्स के आधार पर तैयार की जाएगी, जो जहां भी लागू हो, ज़रूरी लोकल लैंग्वेज टेस्ट के अधीन होगी।
लोकल लैंग्वेज टेस्ट
जिन कैंडिडेट्स ने क्लास 10 या क्लास 12 में बताई गई लोकल लैंग्वेज पढ़ी है और संबंधित मार्कशीट या सर्टिफिकेट दिखा सकते हैं, उन्हें लैंग्वेज टेस्ट नहीं देना होगा।
दूसरे प्रोविजनली चुने गए कैंडिडेट्स को बैंक जॉइन करने से पहले लोकल लैंग्वेज प्रोफिशिएंसी टेस्ट पास करना होगा। जो कैंडिडेट्स टेस्ट में फेल हो जाएंगे, उन्हें अपॉइंटमेंट नहीं दिया जाएगा।
SBI क्लर्क भर्ती 2026 के लिए अप्लाई कैसे करें
कैंडिडेट्स SBI करियर पोर्टल के ज़रिए ऑनलाइन अप्लाई कर सकते हैं। एप्लीकेशन प्रोसेस में रजिस्ट्रेशन, पर्सनल और एजुकेशनल डिटेल्स भरना, जरूरी डॉक्यूमेंट्स अपलोड करना और लागू फीस देना शामिल है।
एप्लीकेंट्स को एक वैलिड ईमेल ID और मोबाइल नंबर की ज़रूरत होगी जो रिक्रूटमेंट प्रोसेस पूरा होने तक एक्टिव रहना चाहिए।
कैंडिडेट्स को एप्लीकेशन शुरू करने से पहले अपनी फोटो, सिग्नेचर, बाएं अंगूठे का निशान और हाथ से लिखा हुआ डिक्लेरेशन की स्कैन्ड कॉपी भी तैयार रखनी चाहिए।
फॉर्म जमा करने और पेमेंट पूरा करने के बाद, कैंडिडेट को सिस्टम से मिले एप्लीकेशन फॉर्म और ई-रसीद को भविष्य के लिए डाउनलोड करके सेव कर लेना चाहिए।
NTPC Jobs 2026: अच्छे सैलरी पैकेज के साथ ऊंचे पद पर नौकरी करना चाहते हैं, तो ये मौका आपको देश की प्रतिष्ठित कंपनी एनटीपीसी में मिल सकता है। एनटीपीसी ने डिप्टी मैनेजर के पदों पर भर्ती के लिए नोटिफिकेशन जारी किया है। इस भर्ती प्रक्रिया के जरिए देश की सबसे बड़ी बिजली उत्पादन कंपनी इलेक्ट्रिकल, मैकेनिकल और सी एंड आई (C&I)विभाग में कुल 135 पदों योग्य उम्मीदवारों का चयन करेगी। इस भर्ती प्रक्रिया में शामिल होने के इच्छुक उम्मीदवार 12 अगस्त 2026 से 26 अगस्त 2026 तक एनटीपीसी की आधिकारिक वेबसाइट careers.ntpc.co.in पर जाकर ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे।
इन विभागों में होगी भर्ती
एनटीपीसी की यह भर्ती तीन प्रमुख तकनीकी विभागों के लिए निकाली गई है। इनमें इलेक्ट्रिकल, मैकेनिकल और कंट्रोल एंड इंस्ट्रूमेंटेशन (C&I) विभाग शामिल हैं। सभी पद डिप्टी मैनेजर के स्तर के हैं और इन पर अनुभवी उम्मीदवारों की नियुक्ति की जाएगी।
आवेदन के लिए जरूरी योग्यता
हर पद के लिए संबंधित इंजीनियरिंग शाखा में फुल टाइम बीई या बीटेक डिग्री होना जरूरी है।
डिप्टी मैनेजर (इलेक्ट्रिकल)पद के लिए उम्मीदवार के पास किसी मान्यता प्राप्त संस्थान से इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग या इलेक्ट्रिकल एंड इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियरिंग में फुल टाइम बीई/बीटेक डिग्री होनी चाहिए।
डिप्टी मैनेजर (मैकेनिकल) पद के लिए मैकेनिकल,प्रोडक्शन,थर्मल या संबंधित इंजीनियरिंग शाखा में फुल टाइम बीई/बीटेक डिग्री आवश्यक है।
डिप्टी मैनेजर (C&I)पद के लिए उम्मीदवार के पास इंस्ट्रूमेंटेशन,कंट्रोल एंड इंस्ट्रूमेंटेशन,इलेक्ट्रॉनिक्स एंड इंस्ट्रूमेंटेशन या इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग में फुल टाइम बीई/बीटेक डिग्री होनी चाहिए।
अनुभवी उम्मीदवारों को मिलेगा मौका
एनटीपीसी ने स्पष्ट किया है कि यह भर्ती अनुभवी उम्मीदवारों के लिए है। अभ्यर्थियों के पास डिग्री पूरी करने के बाद संबंधित क्षेत्र में निर्धारित कार्य अनुभव होना चाहिए। अनुभव की अवधि और अन्य पात्रता से जुड़ी विस्तृत जानकारी आधिकारिक भर्ती नोटिफिकेशन में दी गई है। इसलिए आवेदन करने से पहले उम्मीदवारों को सभी शर्तें ध्यान से पढ़ने की सलाह दी गई है।
चयन प्रक्रिया
एनटीपीसी डिप्टी मैनेजर के पदों पर भर्ती के लिए आवेदन करने वाले उम्मीदवारों के अनुभव की जांच करेगा। इसके आधार पर योग्य उम्मीदवारों को शॉर्टलिस्ट किया जाएगा। शॉर्टलिस्ट उम्मीदवारों को पर्सनल इंटरव्यू के लिए बुलाया जाएगा। इंटरव्यू में सफल होने वाले अभ्यर्थियों के दस्तावेजों का सत्यापन किया जाएगा। इसके बाद अंतिम चयन प्रक्रिया पूरी होगी।
कितनी मिलेगी सैलरी?
चयनित उम्मीदवारों की नियुक्ति ई-4 (E4) ग्रेड में की जाएगी। इस पद के लिए वेतनमान 70,000 रुपये से 2,00,000 रुपये प्रति माह (IDA Pay Scale)निर्धारित किया गया है। इसके अलावा एनटीपीसी के नियमों के अनुसार अन्य भत्ते और सुविधाएं भी मिलेंगी।
12 अगस्त से शुरू होगी आवेदन प्रक्रिया
एनटीपीसी ने आवेदन की तारीखें भी घोषित कर दी हैं। ऑनलाइन आवेदन 12 अगस्त 2026 से शुरू होंगे और 26 अगस्त 2026 तक आवेदन किए जा सकेंगे। इसके बाद किसी भी आवेदन को स्वीकार नहीं किया जाएगा।
ऐसे करें ऑनलाइन आवेदन
आवेदन करने के लिए सबसे पहले उम्मीदवारों को NTPC की आधिकारिक वेबसाइट careers.ntpc.co.in पर जाना होगा। वहां Recruitment/Careers सेक्शन में जाकर NTPC Deputy Manager Recruitment 2026 के लिंक पर क्लिक करना होगा। इसके बाद नया रजिस्ट्रेशन कर लॉगिन आईडी और पासवर्ड बनाना होगा। फिर आवेदन फॉर्म में व्यक्तिगत जानकारी, शैक्षणिक योग्यता और कार्य अनुभव से जुड़ी सभी जानकारी भरनी होगी। उम्मीदवारों को अपनी फोटो, हस्ताक्षर और जरूरी प्रमाणपत्र भी अपलोड करने होंगे। यदि आवेदन शुल्क लागू है तो उसका ऑनलाइन भुगतान करना होगा। अंत में सभी जानकारी अच्छी तरह जांचकर आवेदन फॉर्म सबमिट करना होगा और भविष्य के लिए उसका प्रिंट या कॉपी सुरक्षित रखनी चाहिए।
कई लोग नौकरी के इंटरव्यू की तैयारी करते समय अपने रिज्यूमे, अनुभव और संभावित सवालों पर पूरा ध्यान देते हैं। वहीं, इंटरव्यू के अंत में जब उम्मीदवार से पूछा जाता है कि “क्या आपके मन में कोई सवाल है?”, तो अधिकतर लोग इसे सिर्फ एक औपचारिकता मानते हैं। ऐसे में वे सैलरी, छुट्टियों, प्रमोशन या ऑफिस की सुविधाओं से जुड़े सामान्य सवाल पूछकर इंटरव्यू खत्म कर देते हैं। हालांकि, करियर विशेषज्ञों का मानना है कि इंटरव्यू का यह आखिरी हिस्सा आपकी सोच, काम के प्रति नजरिया और प्रोफेशनल एटीट्यूड दिखाने का बेहतरीन मौका होता है।
सही सवाल न केवल इंटरव्यूअर पर सकारात्मक प्रभाव डाल सकता है, बल्कि ये भी दिखाता है कि आप केवल नौकरी पाने के लिए नहीं, बल्कि कंपनी की जरूरतों और अपनी भूमिका को समझने में भी रुचि रखते हैं। कई बार एक अच्छा सवाल आपकी छवि को अन्य उम्मीदवारों से अलग बना सकता है और चयन की संभावनाएं भी बढ़ा सकता है।
10 साल का भर्ती का अनुभव
फराह शारगी ने पिछले एक दशक में Google, Uber और The New York Times जैसी बड़ी कंपनियों में भर्ती की है। उनका कहना है कि इंटरव्यू के अंतिम मिनटों में उम्मीदवारों के सवाल ये बताते हैं कि वो सिर्फ नौकरी चाहते हैं या वास्तव में कंपनी की जरूरत को भी समझना चाहते हैं। उनके मुताबिक, इंटरव्यू के अंत तक रिक्रूटर उम्मीदवार की तकनीकी क्षमता का काफी हद तक आकलन कर चुका होता है। इसके बाद वह उम्मीदवार की सोच और काम करने के नजरिए को समझना चाहता है।
वह एक सवाल जो बना सकता है आपको सबसे अलग
फराह शारगी के अनुसार, सबसे प्रभावशाली सवाल यह है:
“इस समय सबसे बड़ी समस्या क्या है, जिसे हल करने के लिए आप इस पद पर किसी को नियुक्त करना चाहते हैं?” उनका कहना है कि कंपनियां सिर्फ पद भरने के लिए भर्ती नहीं करतीं। हर नई भर्ती के पीछे कोई न कोई समस्या होती है, जिसे कंपनी हल करना चाहती है। जो उम्मीदवार इस नजरिए से सवाल पूछता है, वह दिखाता है कि वो पहले से ही खुद को उस भूमिका में सोच रहा है।
क्यों पसंद आता है यह सवाल?
शारगी के मुताबिक, जब उम्मीदवार इस तरह का सवाल ईमानदारी से पूछता है, तो वह भीड़ से अलग नजर आता है। इससे रिक्रूटर को लगता है कि यह व्यक्ति सिर्फ नौकरी पाने के लिए नहीं, बल्कि कंपनी की समस्या सुलझाने के लिए भी तैयार है।
ये 3 सवाल भी छोड़ते हैं अच्छा प्रभाव
फराह शारगी ने इंटरव्यू के दौरान पूछे जाने वाले तीन और उपयोगी सवाल बताए हैं:
एक साल बाद आपको कैसे लगेगा कि इस पद के लिए सही व्यक्ति चुना गया?
आपकी टीम में ऐसा कौन-सा कर्मचारी है, जिसकी तरह आप एक और व्यक्ति चाहते हैं?
इस नौकरी का कौन-सा हिस्सा है, जिसे लोग अक्सर कम आंकते हैं?
इन सवालों से क्या फायदा होगा?
इन सवालों के जरिए उम्मीदवार यह समझ सकता है कि:
कंपनी सफलता को कैसे मापती है।
टीम में बेहतरीन प्रदर्शन करने वाले लोगों की क्या खासियत होती है।
इस भूमिका में सबसे बड़ी चुनौतियां क्या हैं।
इंटरव्यू को सिर्फ परीक्षा नहीं, सीखने का मौका समझें
फराह शारगी का कहना है कि इंटरव्यू केवल खुद को साबित करने का मंच नहीं है। इसे कंपनी की जरूरतों और उस समस्या को समझने का अवसर भी मानना चाहिए, जिसे हल करने के लिए आपको नियुक्त किया जा सकता है। यही सोच उम्मीदवार को दूसरों से अलग और अधिक प्रभावशाली बनाती है।