Asian Games 2026: खत्म हुआ 44 साल का इंतजार! हॉकी में चीन को हरा भारत की बेटियों ने जीता गोल्ड, ओलंपिक टिकट भी पक्का

भारतीय महिला हॉकी टीम ने एशियन गेम्स 2026 में शानदार प्रदर्शन करते हुए गोल्ड मेडल अपने नाम कर लिया है। शुक्रवार, 2 अक्टूबर को खेले गए फाइनल में भारत ने चीन को 1-0 से हराकर खिताब जीता। इस जीत के साथ भारतीय टीम ने महिला हॉकी में एशियन गेम्स के गोल्ड के लिए करीब चार दशक का इंतजार भी खत्म कर दिया। भारत ने इससे पहले 1982 में महिला हॉकी का गोल्ड मेडल जीता था। भारत ने 44 साल के पदक के सूखे को खत्म किया है। वहीं एशियन गेम्स में भारत के कुल पदकों की संख्या 76 हो गई है। इसमें 16 गोल्ड 25 सिल्वर और 35 ब्रॉन्ज मेडल अपने नाम किए है।

फाइनल में भारत से हारकर पेरिस ओलंपिक्स की सिल्वर मेडलिस्ट चीन को सिल्वर मेडल से ही संतोष करना पड़ा। वहीं, ब्रॉन्ज मेडल के मुकाबले में जापान ने दक्षिण कोरिया को शूटआउट में 4-2 से हराकर तीसरा स्थान हासिल किया।

एशियन गेम्स में भारत का प्रदर्शन

एशियन गेम्स 2026 में गोल्ड मेडल जीतने के साथ भारतीय महिला हॉकी टीम ने 2028 लॉस एंजिल्स ओलंपिक्स के लिए भी अपनी जगह पक्की कर ली है। एशियन गेम्स में महिला हॉकी के इतिहास में भारत का ये दूसरा गोल्ड है। इससे पहले टीम ने 1982 में खिताब जीता था। इसके बाद भारत 1998 और 2018 में फाइनल तक पहुंचा, लेकिन दोनों मौकों पर उसे हार का सामना करना पड़ा था। 1998 में साउथ कोरिया और 2018 में जापान ने भारत को हराकर गोल्ड जीता था।

भारत की ओर से लालरेम्सियामी हमारजोटे ने पहले क्वार्टर में गोल करके टीम को बढ़त दिलाई। इसके बाद चीन ने बराबरी की कई कोशिशें कीं, लेकिन भारतीय डिफेंस ने हर हमले को रोक दिया।

देर से शुरू हुआ मुकाबला

भारत और चीन के बीच फाइनल मुकाबला तय समय से करीब एक घंटे देर से शुरू हुआ। दोनों टीमों की बसें रास्ते में हुए एक हादसे के कारण लगे ट्रैफिक जाम में फंस गई थीं, हालांकि इस घटना का दोनों टीमों से कोई संबंध नहीं था। मैच शुरू होते ही भारतीय खिलाड़ियों ने आक्रामक खेल दिखाया और चीन के दबाव का भी डटकर सामना किया। भारत को पहली बड़ी सफलता तब मिली, जब साक्षी राणा ने सर्कल के अंदर शानदार पास दिया और गेंद लालरेमसियामी हमारजोटे तक पहुंची, जिन्होंने मौके का फायदा उठाते हुए गोल कर दिया।

भारत ने चीन को दी मात

लालरेमसियामी ने मिले मौके को पूरी तरह भुनाया और दौड़ते हुए शानदार रिवर्स-स्टिक शॉट लगाकर गेंद को सीधे गोल के ऊपरी हिस्से में पहुंचा दिया। चीनी गोलकीपर के पास इस तेज शॉट को रोकने का कोई मौका नहीं था। शुरुआती समय में चीन के पास गेंद कुछ ज्यादा रही, लेकिन भारतीय टीम ने अपनी डिफेंस लाइन को मजबूत रखा और चीनी खिलाड़ियों को आसानी से गोल करने का मौका नहीं दिया। दूसरे क्वार्टर में गोलकीपर सविता पुनिया ने पेनल्टी स्ट्रोक बचाकर चीन को गोल करने से रोक दिया। मैच के बाकी समय में भी भारतीय खिलाड़ियों ने मजबूत डिफेंस दिखाया और अपनी बढ़त को कायम रखते हुए टीम को गोल्ड मेडल दिलाया।

2027 World Cup : वनडे विश्व कप 2027 का शेड्यूल जारी, पहले ही मैच में ऑस्ट्रेलिया से भिड़ेगी टीम इंडिया

अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) ने 2027 में अफ्रीकी महाद्वीप में होने वाले पुरुष वनडे विश्व कप का पूरा कार्यक्रम जारी कर दिया है। भारतीय टीम अपने विश्व कप अभियान की शुरुआत 7 अक्टूबर 2027 को मौजूदा चैंपियन ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ करेगी। यह मुकाबला दक्षिण अफ्रीका के केपटाउन स्थित न्यूलैंड्स स्टेडियम में खेला जाएगा।

 

10 अक्टूबर को पाकिस्तान से महामुकाबला

 

India national cricket team के लिए टूर्नामेंट का सबसे चर्चित मुकाबला 10 अक्टूबर को होगा। शुभमन गिल की कप्तानी वाली भारतीय टीम जोहानिसबर्ग के वांडरर्स स्टेडियम में चिर प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान का सामना करेगी।

 

इसके बाद भारत 14 अक्टूबर को सेंचुरियन में एक क्वालीफायर टीम के खिलाफ खेलेगा। भारतीय टीम का अगला मुकाबला 24 अक्टूबर को सह-मेजबान जिम्बाब्वे से होगा। यह मैच नवनिर्मित विक्टोरिया फॉल्स स्टेडियम में आयोजित किया जाएगा।

 

सेमीफाइनल और फाइनल की तारीख भी तय

 

विश्व कप के दोनों सेमीफाइनल क्रमशः 17 और 18 नवंबर 2027 को खेले जाएंगे। पहला सेमीफाइनल केपटाउन और दूसरा सेंचुरियन में होगा। टूर्नामेंट का सबसे बड़ा मुकाबला यानी फाइनल 21 नवंबर 2027 को जोहानिसबर्ग के वांडरर्स स्टेडियम में खेला जाएगा।

भारत के मैचों पर एक नजर

तारीख मुकाबला स्थान

  • 7 अक्टूबर 2027 भारत बनाम ऑस्ट्रेलिया केपटाउन
  • 10 अक्टूबर 2027 भारत बनाम पाकिस्तान जोहानिसबर्ग
  • 14 अक्टूबर 2027 भारत बनाम क्वालीफायर सेंचुरियन
  • 24 अक्टूबर 2027 भारत बनाम जिम्बाब्वे विक्टोरिया फॉल्स

 

क्यों खास है शेड्यूल : भारत और पाकिस्तान का मुकाबला विश्व कप के शुरुआती चरण में ही होने से क्रिकेट प्रशंसकों की नजर इस मैच पर रहेगी। भारतीय टीम की कप्तानी शुभमन गिल के हाथों में होगी और उसका पहला मुकाबला मौजूदा चैंपियन ऑस्ट्रेलिया से होगा।

Asian Games में इस खेल में पाकिस्तान से बुरी तरह हारकर भारतीय टीम हुई बाहर

Indian Volleyball

INDvsPAK एशियाई खेल 2026 में गुरुवार को भारतीय पुरुष वॉलीबॉल टीम क्वार्टरफाइनल में पाकिस्तान से सीधे सेटों में हार के बाद बाहर हो गई।आज खेले गये क्वार्टरफाइनल में पाकिस्तान से 3-0 (25-19, 25-23, 25-18) से हारने के साथ ही भारत की पुरुष वॉलीबॉल टीम का एशियाई खेलों में अभियान समाप्त हो गया।

पाकिस्तान ने अधिकतर समय मैच पर अपना दबदबा बनाए रखा और सेमीफाइनल में जगह बनाई, जबकि भारत का शानदार अभियान यहीं खत्म हो गया।भारत के लिए यह नतीजा किसी उलटफेर से कम नहीं था क्योंकि भारत इस खेल में उभरती हुई टीम नजर आई है।

गौरतलब है कि मंगलवार को भारतीय वॉलीबॉल टीम ने शानदार वापसी करते हुए रोमांचक मुकाबले में कतर को 3-2 (26-28, 25-27, 25-23, 25-20, 24-22) से हराकर पूल सी में शीर्ष स्थान हासिल किया।

2-0 से पिछड़ने के बाद भारत ने जबरदस्त वापसी करते हुए अगले दो सेट जीतकर 2-2 से बराबरी की। भारत ने निर्णायक सेट में कई मैच प्वाइंट बचाए और आखिरकार 24-22 से सेट अपने नाम किया। इस जीत के साथ भारत ने पूल सी में तीन में से तीन मुकाबले जीतकर शीर्ष स्थान हासिल किया और क्वार्टरफाइनल में जगह बनाई थी।

वहीं सोमवार को पूल सी में हांगकांग को भारतीय टीम ने पुरुषों के पूल सी मुकाबले में हांगकांग को 3-0 (25-22, 25-19, 25-21) से हराकर लगातार दूसरी जीत दर्ज की। उन्होंने पहले मैच में वियतनाम को हराया था।

जुलाई के महीने में भारत की वॉलीबॉल टीम ने बहरीन के खिलाफ 3-1 से कांस्य पदक मैच जीतकर पहली बार एवीसी पुरुष कप का कांस्य पदक जीता था।फॉर्म को देखकर माना जा रहा था कि अगले टूर्नामेंट से भारतीय वॉलीबॉल टीम ओलंपिक का टिकट बुक कर सकती है। लेकिन पाकिस्तान के खिलाफ एकतरफा जीत से ना केवल भारत का अभियान खत्म हुआ बल्कि खिलाड़ियों और खेलप्रेमियों का दिल टूटा।

तीसरे वनडे से बाहर हुए प्रसिद्ध कृष्णा, टीम में शामिल हुए अंशुल कंबोज

गुवाहाटी के बरसापारा क्रिकेट स्टेडियम में चोटिल हुए भारतीय तेज गेंदबाज प्रसिद्ध कृष्णा शनिवार को होने वाले तीसरे एकदिवसीय मैच से बाहर हो गए हैं। उनकी जगह टीम में अंशुल कम्बोज को शामिल कर लिया गया है। हालांकि उनके तीसरे एकदिवसीय में खेलने की बहुत कम संभावना है क्योंकि वह गुरुवार तक भारत की ए टीम के लिए ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेल रहे हैं। भारत की ए टीम उनकी बल्लेबाजी मिस करेगी अगर ऑस्ट्रेलिया भारतीय टीम को ऑल आउट कर देती है।

उन्हें  दूसरे वनडे के दौरान चोट लगी और वह पांच ही ओवर फेंक सके।उन्होंने अपने 5 ओवर के स्पैल में 45 रन दिए। इसमें से एक ओवर में उन्होंने 22 रन दिए।यह ओवर पूरी पारी का सबसे महंगा ओवर रहा।वेस्टइंडीज ने सात विकेट पर 405 रन बनाये लेकिन भारत ने 43.3 ओवर में आठ विकेट बाकी रहते जीत दर्ज करके श्रृंखला में 2-0 की बढत बना ली।भारत के बल्लेबाजी कोच सितांशु कोटक ने दूसरे वनडे के बाद प्रसिद्ध की  हैमस्ट्रिंग इंजुरी की पुष्टि की थी।

वहीं अंशुल कंबोज की बात करें तो उनको पुद्दुचेरी से मुल्लनपुर के लिए रवाना कर दिया गया है और कल भारत ए की टीम 9 बल्लेबाजों के साथ खेलेगी। अगर कम्बोज के प्रथम श्रेणी करियर की बात की जाए तो दाएं हाथ की तेज गेंदबाजी करने वाले हरियाणा के इस तेज गेंदबाज ने 24 प्रथम श्रेणी मैचों में 22.88 की औसत से 79 विकेट लिए हैं, जिसमें दो पंजा और एक 10-विकेट हॉल शामिल है।

उन्होंने केरल के खिलाफ एक रणजी ट्रॉफी मैच की एक पारी में 10 विकेट लिए थे। वहीं 2024-25 के दलीप ट्रॉफ़ी में उन्होंने तीन मैचों की आठ पारियों में 16 विकेट लिए थे, जिसमें एक पारी में 8 विकेट-हॉल शामिल था।

उन्होंने अपने इस प्रदर्शन की मदद से प्लेयर ऑफ़ द टूर्नामेंट का खिताब जीता और चयनकर्ताओं की नजर में अपनी जगह बनाई। अब अगर उन्हें एकदिवसीय टीम में मौका मिलता है, तो वह इस मौके को पूरी तरह भुनाने की कोशिश करेंगे।

गोल्ड और ओलंपिक क्वालिफिकेशन के बीच खड़ी है चीन की दीवार, देखें H2H रिकॉर्ड

शानदार फॉर्म में चल रही भारतीय टीम एशियाई खेलों के महिला हॉकी फाइनल में गत चैम्पियन चीन के खिलाफ शुक्रवार को उतरेगी तो नजरें 44 साल बाद स्वर्ण पदक जीतकर लॉस एंजिलिस ओलंपिक 2028 के लिये क्वालीफाई करके पुराने कई मलाल मिटाने पर लगी होंगी।

टोक्यो ओलंपिक 2020 में ऐतिहासिक चौथे स्थान पर रहने के बाद पेरिस ओलंपिक 2024 के लिये क्वालीफाई नहीं कर सकी भारतीय टीम के लिये सबसे बड़ी प्रेरणा लॉस एंजिलिस में दो साल बाद होने वाले खेलों का सीधे टिकट कटाना है। मौजूदा फॉर्म और विश्व कप में ऐतिहासिक प्रदर्शन के बाद खिलाड़ियों के आत्मविश्वास को देखते हुए यह संभव भी लग रहा है, बस अपेक्षाओं के दबाव से पार पाना होगा।

भारत ने एशियाई खेलों में एकमात्र स्वर्ण 1982 में दिल्ली में जीता था जब महिला हॉकी को पहली बार इन खेलों में शामिल किया गया था।उसके बाद से भारत 1998 और 2018 में फाइनल में पहुंचा लेकिन क्रमश: दक्षिण कोरिया और जापान से हारकर रजत पदक से संतोष करना पड़ा।लेकिन युवा खिलाड़ियों से सजी कोच शोर्ड मारिन की यह टीम लंबे इंतजार को खत्म करने और दमदार प्रतिद्वंद्वी को शिकस्त देने का माद्दा रखती है।

पिछले साल खराब फॉर्म से जूझती दिखी भारतीय महिला हॉकी टीम के लिये 2026 यादगार रहा है जिसमें एफआईएच नेशंस कप जीतकर प्रो लीग में वापसी की और पिछले महीने नीदरलैंड और बेल्जियम में हुए विश्व कप में पांचवां स्थान हासिल किया जो 1974 के बाद उसका सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है।

विश्व कप में भारत ने ग्रुप चरण में दुनिया की चौथे नंबर की टीम चीन को 2-2 से ड्रॉ पर रोका था जबकि भारतीय टीम में 11 खिलाड़ियों का यह पहला विश्व कप था। पूरे टूर्नामेंट में भारत एकमात्र मैच सह मेजबान नीदरलैंड से 0-2 से हारा था।

इधर चीन को दूसरे सेमीफाइनल में मेजबान जापान ने निर्धारित 60 मिनट तक गोलरहित बराबरी पर रोका और पेनल्टी शूटआउट में 4 . 2 से जीत दर्ज करके चीन फाइनल में पहुंच सका।

भारत को भी दक्षिण कोरिया से कड़ी चुनौती मिली और 12 पेनल्टी कॉर्नर में से सिर्फ एक पर गोल हो सका। भारत के लिये सेमीफाइनल के 44वें मिनट में इशिका और चार मिनट बाद कप्तान सलीमा टेटे ने गोल किया।

भारत के लिये गोलकीपर सविता और बिछू देवी ने विश्व कप का शानदार फॉर्म जारी रखा है। भारत ने पेनल्टी कॉर्नर और ओपन प्ले में गोल किये हैं हालांकि कोरिया के खिलाफ पेनल्टी कॉर्नर उतना अच्छा नहीं रहा। दीपिका छह मैचों में 21 गोल कर चुकी है जिनमें से 19 पेनल्टी कॉर्नर पर आये । नवनीत ने दस गोल दागे हैं जिनमें से सात फील्ड गोल हैं।

चीन के लिये झोंग जियाकी ने नौ जबकि चेन यि और झांग यिंग ने सात सात गोल किये हैं।चीन एशियाई खेलों की सबसे कामयाब टीम रही है और 2023 में हांगझोउ खेलों समेत उसने छह खिताब जीते हैं। भारत और चीन के बीच अब तक 28 मुकाबले हुए हैं जिनमें से 12 चीन ने और 11 भारत ने जीते जबकि पांच मैच ड्रॉ रहे।

मैच का समय – दोपहर 3.30 पर

कहां देखें- सोनी सपोर्ट्स नेटवर्क या सोनी लिव पर

Asian Games सेमीफाइनल में श्रीलंका को 124 रनों से रौंदकर फाइनल में पहुंचा भारत

कोरोगी स्पोर्ट्स पार्क में खेले गए एक बेमेल मुकाबले में भारतीय टीम ने 124 रनों से श्रीलंका को हराकर सेमीफाइनल जीता और शान से एशियाड फाइनल के मुकाबले में प्रवेश किया।

श्रींलका ने गेंदबाजी चुनकर भारत के शुरुआती विकेट तो झटके लेकिन 46 गेंदों में ईशान किशन की 80 रनों की पारी ने भारत को विजयी स्कोर (170 रनों) तक पहुंचा दिया। किशन ने 4 चौके और 5 छक्के लगाए वहीं बिहार के ही सलामी बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने 21 गेंदों में 6 चौके और 2 छक्कों की बदौलत 38 रन बनाए।

अभिषेक (तीन गेंद में सात रन) ने श्रीलंका के कप्तान साहन अराछिगे को छक्का लगाया लेकिन उसके बाद ऊंचा शॉट खेलने के प्रयास में शॉर्ट थर्डमैन पर कैच दे बैठे।सैमसन ने नौ गेंद में सात रन बनाये और स्पिनर थारिंडु रत्नायके की गेंद पर अपना विकेट गंवा बैठे।तीन ओवर स्पिनरों से कराने के बाद बायें हाथ के तेज गेंदबाज बिनुरा फर्नांडो को चौथे ओवर में गेंद सौंपी गई। सूर्यवंशी ने उन्हें लगातार चौके जड़कर दबाव में ला दिया।

थारिंडु के तीसरे ओवर में सूर्यवंशी ने उन्हें लांग आन पर छक्का लगाया। पावरप्ले के बाद भारत का स्कोर दो विकेट पर 58 रन था। 15 वर्ष के सूर्यवंशी को अराछिगे ने शॉर्ट थर्डमैन पर लपकवाकर पवेलियन भेजा।कप्तान श्रेयस अय्यर और अक्षर पटेल बीच के ओवरों में आउट हो गए जिससे रनगति धीमी पड़ी। ईशान ने हालांकि चार चौकों और चार छक्कों की अपनी पारी के दम पर भारत को अच्छे स्कोर तक पहुंचाया।

गेंदबाजी करने आए जसप्रीत बुमराह ने बिना खाता खोले ही श्रीलंका के दो विकेट पहले ही ओवर में ले लिए। यहां से श्रीलंका कभी उबर ही नहीं पाया और दबाव में विकेट खोता चला गया। सिर्फ नुवांदु फर्नाडो ही 15 रन बना पाए। जसप्रीत बुमराह समेत अक्षर पटेल और अभिषेक शर्मा ने 2-2 विकेट लिए और श्रीलंका को 9.5 ओवर में ही 45 रनों पर समेट दिया।

IND vs WI 2nd ODI: गिल के दोहरे शतक के आगे बेबस हुई वेस्टइंडीज, भारत ने चेज किया 406 का टारगेट

IND vs WI 2nd ODI: बुधवार को भारत और वेस्टइंडीज के बीच खेले जा रहे दूसरे वनडे मैच में भी भारतीय टीम ने शानदारी जीत दर्ज की। रोहित शर्मा की सेंचुरी और कप्तान शुभमन गिल के डबल सेंचुरी के बदौलत भारत ने 44 ओवर में ही वेस्डइंडीज के 406 रनों के विशाल लक्ष्य को बड़े आसानी चेज कर लिया। बता दें कि भारत ने टॉस जीतकर सबसे पहले गेंदबाजी का फैसला लिया था। वहीं, बल्लेबाजी करने उतरी विपक्षी टीम ने 50 ओवर में 405 रन बनाए थे।

जिसके जवाब में बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम ने ताबतोड़ शुरूआत की। जहां एक तरफ रोहित शर्मा ने 75 गेंदों में 6 छक्के और 10 चौके की मदद से 101 रन बनाएं। वहीं, गिल ने सबसे तेज 62 गेंदों में शतक जड़ दिया। हालांकि, रोहित 26.2 ओवर में जेडेन सील्स के गेंद पर lbw आउट हो गए।

लेकिन गिल का बल्ला यहीं नहीं रुका। कप्तान ने वेस्टइंडीज के गेंदबाजों की धज्जिया उड़ाते हुए दोहरा शतक ठोक डाला। जिसके बाद उनके नाम सबसे तेज दोहरा शतक जड़ने का भी नाम रिकॉर्ड शामिल हो गया।

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IND vs WI 2nd ODI: गुवाहाटी में चला ‘गिल शो’, कप्तान ने ठोका तूफानी दोहरा शतक

IND vs WI 2nd ODI: बुधवार को गुवाहाटी में भारत और वेस्टइंडीज के बीच खेले जा रहे दूसरे वनडे मैच में ‘द शुभमन गिल शो’ देखने को मिला। 406 रनों का पीछा करने उतरी भारतीय टीम के कप्तान ने 117 गेंदों में दोहरा शतक ठोक दिया। अपने दमादर पारी से गिल ने विपक्षी टीम के गेंदबाजों की पीट-पीटकर हालत खराब कर दी।

बता दें कि यह अब तक का सबसे तेज दोहरा शतक था, जिसने 10 दिसंबर 2022 को बांग्लादेश के खिलाफ ईशान किशन के 126 गेंदों में बनाए गए दोहरे शतक का रिकॉर्ड तोड़ दिया।

गिल ने तोड़ा ग्लेन मैक्सवेल का वर्ल्ड रिकॉर्ड

शुभमन गिल ने दोहरे शतक के बाद भी अपना बल्ला नहीं रोका। कुछ ही गेंदों बाद उन्होंने 201 रन का आंकड़ा पार कर लिया और इसके साथ ही एक बड़ा वर्ल्ड रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया।

गिल ने वनडे में रन चेज करते हुए सबसे बड़ी पारी खेलने का ग्लेन मैक्सवेल का रिकॉर्ड तोड़ दिया। मैक्सवेल ने 2023 वनडे वर्ल्ड कप में अफगानिस्तान के खिलाफ 181 गेंदों पर 201 रन की शानदार पारी खेली थी। अब गिल ने मैक्सवेल से आगे निकलकर यह रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया है।

रोहित के बाद अब गिल के नाम दो डबल सेंचुरी

यह गिल का दूसरा दोहरा शतक था, जिससे वे रोहित शर्मा के बाद एक से ज्यादा दोहरे शतक लगाने वाले दूसरे भारतीय बल्लेबाज बन गए। कुल मिलाकर, यह वनडे इतिहास का 13वां दोहरा शतक था।

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India vs West Indies 2nd ODI: 30 सितंबर, 2026 को भारत और वेस्टइंडीज के बीच खेले जा रहे दूसरे वनडे मैच में जबरदस्त रोमांच देखने को मिला। भारतीय कप्तान शुभमन गिल ने शानदार पारी खलते हुए 62 गेंदों में शानदार शतक जड़ दिया। इस दौरान उन्होंने 10 चौके और 5 छक्कों लगाए। वहीं, रोहित शर्मा ने भी 72 गेंदें में अपनी सेंचुरी पूरी कर ली।

बता दें कि गुवाहाटी के बरसापारा स्टेडियम में पहले बल्लबेजी करने उतरी वेस्टइंडीज की टीम ने 50 ओवर 405 रन ठोक दिए। वहीं, इस विशाल लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम ने भी वेस्टिइंडीज के गेंदबाजों के छक्के छुड़ा दिए। भारतीय टीम के कप्तान गिल 62 गेंदों पर 10 चौके और 5 छक्कों की मदद से शतक जड़ दिया। गिल का यह वनडे करियर का यह सबसे तेज शतक है। इसके साथ ही वनडे में यह वेस्टइंडीज के खिलाफ भारत की तरफ से सबसे तेज शतक है।

अभी तक यह रिकॉर्ड वीरेंद्र सहवाग के नाम था। उन्होंने 2011 में 69 गेंदों पर शतक लगाया था। यह वनडे में किसी भी भारतीय बल्लेबाज का संयुक्त रूप से चौथा सबसे तेज शतक है। केएल राहुल और मोहम्मद अजहरुद्दीन ने भी 62-62 गेंदों पर वनडे में सेंचुरी ठोकी है। सबसे तेज 52 गेंदों में शतक लगाने का रिकॉर्ड विराट कोहली के नाम है।

भारत में शुभमन गिल का यह लगातार तीसरा वनडे में शतक है। उन्होंने अफगानिस्तान के खिलाफ लगातार खेली अपनी आखिरी पारी में भी शतक लगाया था। वह ऐसा करने वाले भारत के दूसरे भारतीय और ओवरऑल तीसरे बल्लेबाज हैं। जबकि एबी डिविलियर्स और विराट कोहली वनडे में भारत में लगातार चार शतक ठोक चुके हैं।

हिटमैन ने शतक के साथ 12,000 का आंकड़ा किया पार

आज के वनडे मैच में रोहित शर्मा भी फॉर्म में नजर आए। उन्होंने पारी की शुरूआत धुआधार तरीके से की। हिटमैन ने 72 गेंदों में 10 चौके और 6 छक्कों की मदद से ट्रिपल डिजिट का आंकड़ा छुआ। इसके बाद रोहित को बड़ा ही खास सेलिब्रेशन करते देखा गया। साथ ही अपने दमदार शतक की बदौलत ने हिटमैन ने वनडे में 12,000 का आंकड़ा भी पार कर लिया।

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2 गोल से दक्षिण कोरिया को हराकर चक दे गर्ल्स पहुंची एशियाई खेलों के फाइनल में

दक्षिण कोरिया को एशियाई खेलों के सेमीफाइनल में 2 -0 से हराने के बाद भारतीय महिला हॉकी टीम ने भारतीय दल के लिए एक और पदक पक्का कर लिया है। भारतीय टीम ने इस साल विश्वकप में पांचवा पायदान मिला था, इस लिहाज से उम्मीद रहेगी कि भारतीय महिला हॉकी टीम फाइनल जीतकर ना केवल स्वर्ण पदक लाए बल्कि लॉस एंजलिस ओलंपिक्स में स्वत प्रवेश ले।

यह लम्हा भारतीय महिला हॉकी के लिए खास रहा क्योंकि करीब 8 साल बाद भारतीय हॉकी टीम ने एशियाई खेलों के फाइनल में जगह बनाई थी। साल 2022 के हांगजाऊ में हुए  एशियाई खेलों में भारतीय महिला हॉकी टीम फाइनल में जगह बनाने में नाकाम रही थी और क्वालिफायर में जापान से हारकर ओलंपिक कोटा पाने में भी महरूम रह गई थी।

भारत के लिये इशिका ने 44वें मिनट में पेनल्टी कॉर्नर पर गोल किया जबकि चार मिनट बाद कप्तान सलीमा टेटे ने गोल दागा।
पहला हाफ गोलरहित बराबर रहने के बाद भारत ने तीसरे क्वार्टर में बढ़त बनायी। 44वें मिनट में पेनल्टी कॉर्नर से यह सफलता मिली। एक वेरिएशन के तहत दीपिका सहरावत ने इंजेक्टर इशिका को गेंद दी, जिन्होंने पहली ही कोशिश में गोलकीपर को छकाते हुए भारत को बढ़त दिला दी। भारत ने चार मिनट बाद अपनी बढ़त दोगुनी कर दी। 48वें मिनट में कप्तान सलीमा टेटे ने एक लूज़ बॉल पकड़ी और सर्कल में तेज़ी से आगे बढ़ीं, फिर गेंद को सेंटर की ओर भेजा; गेंद कोरियाई डिफेंडर की स्टिक से टकराकर नेट में चली गई। एशियाई खेलों में महिला हॉकी फ़ाइनल में भारत का यह चौथा मौका होगा।

भारत का सामना अब मौजूदा चैम्पियन चीन से होगा जिसने हांगझोउ एशियाई खेल 2023 में उसे सेमीफाइनल में 4-0 से हराया था।चीन ने दूसरे सेमीफाइनल में जापान को पेनल्टी शूटआउट में 4-2 से मात दी।

भारत और चीन का सामना पिछले महीने नीदरलैंड में एफआईएच विश्व कप के ग्रुप मैच में हुआ था जिसमें भारत ने उसे 2-2 से ड्रॉ पर रोका था। भारतीय टीम विश्व कप में ऐतिहासिक प्रदर्शन करके पांचवें स्थान पर रही थी जो 1974 के बाद उसका सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन था।एशियाई खेलों में भारतीय महिला हॉकी टीम ने सिर्फ एक बार दिल्ली में 1982 में स्वर्ण पदक जीता था जब पहली बार महिला हॉकी को इन खेलों में शामिल किया गया। पिछली बार भारत ने कांस्य जीता और 2018 में रजत पदक जीता था।