Market Trend : 23800 से नीचे जाने पर निफ्टी में आ सकती है बड़ी गिरावट, कमजोर बाजार में भी इन दो शेयरों में हो सकती है कमाई

Market Trend : ग्लोबल मार्केट से मिले-जुले संकेतों के बीच 23 जुलाई को भारतीय इंडेक्स गिरावट के साथ कारोबार कर रहे हैं। मेटल शेयरों को छोड़कर बाकी सभी सेक्टर में बिकवाली के कारण निफ्टी 23900 के करीब ट्रेड कर रहा है। निफ्टी पर एटरनल,टाटा कंज्यूमर,ONGC,बजाज ऑटो और कोल इंडिया में बढ़त दिख रही है। जबकि डॉ.रेड्डीज़ लैब्स,इंटरग्लोब एविएशन,इंफोसिस,टाटा स्टील और सिप्ला में गिरावट नजर आ रही है। निफ्टी मिडकैप और स्मॉलकैप इंडेक्स भी गिरावट के साथ ट्रेड कर रहे हैं।

निफ्टी ट्रेंड

ऐसे में मार्केट ट्रेंड पर बात करते हुए मंत्री फिनमार्ट (Mantri FinMart) के अरुण कुमार मंत्री ने कहा कि कल का सेशन काफी खराब रहा। लेकिन यह बात ध्यान रखने की है कि पिछले दो दिनों की गिरावट में मिड कैप और स्माल कैप का पार्टिसिपेशन नहीं था। छोटे-मझोले शेयरों में काफी अच्छा मोमेटम देखने को मिला था। लेकिन कल की गिरावट में मिड कैप और स्माल कैप में भी प्रेशर देखने को मिला। क्रूड का दाम बढ़ने से बाजार का मूड खराब हुआ है। साथ ही ट्रंप टैरिफ का वापस आना भी मार्केट का सेंटीमेंट खराब कर रहा है। ऐसे में अगर निफ्टी 23,800 के नीचे जाता है तो पोजीशन से निकल जाना चाहिए। जब तक निफ्टी 23,800 के ऊपर है एग्जिट की सलाह नहीं होगी। निफ्टी में 23,800 का स्टॉप लॉस होना चाहिए। उसके नीचे जाने पर ही ट्रेंड क्लियरली नेगेटिव होगा। इसके बाद निफ्टी 23,400 तक फिसल सकता है। अपसाइड में निफ्टी के लिए 24,300-24,250 पर रेजिस्टेंस है। ऐसे में लगता है कि अगले कुछ दिन निफ्टी 23,800-24,300 के दायरे में ट्रेड करता दिख सकता है।

बैंक निफ्टी ट्रेंड

जहां तक बैंक निफ्टी की बात है तो यह थोड़ा ज्यादा वीक है। HDFC बैंक इस कमजोरी को लीड कर रहा है। क्रूड का बढ़ना भी बैंक निफ्टी को काफी परेशान करता दिख रहा है। बैंक निफ्टी के लिए 56,700 के आसपास एक माइनर सपोर्ट है। अगर 56,700 का लेवल टूटता है तो बैंक निफ्टी मार्केट को और नीचे लो जा सकता है। ऐसे में आपको बैंक निफ्टी 56,700 पर स्टॉप लॉस लगाना है। अगर दोनों में से किसी में लॉन्ग पोजीशंस बनानी है तो निफ्टी ज्यादा बेहतर रहेगा।

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अरुण कुमार मंत्री के पसंदीदा शेयर

अरुण कुमार मंत्री का कहना है कि इस समय उनको दो स्टॉक काफी अच्छे लग रहे हैं। दोनों ही काफी अच्छे मोमेंटम है। इनमें से पहला है नेस्ले इंडिया। कल इसका रिजल्ट आया था। रिजल्ट के बाद एक क्लियर ब्रेकआउट है। इसमें डेली चार्ट पर कप एंड हैंडल का ब्रेकआउट देखने को मिला है। इस स्टॉक को 1497 के आसपास खरीदना है। 1472 रुपए का स्टॉप लॉस लगाएं। शॉर्ट टर्म में 1555 रुपए तक के टारगेट मिल सकते हैं। दूसरा स्टॉक थोड़े बड़े टिकट साइज का है। लेकिन इसमें मोमेंटम नजर आ रहा है। यह शेयर है BOSCH जिसमें 41550 रुपए के आसपास, 41020 रुपए के स्टॉप लॉस के साथ, 42300 रुपए तक के टारगेट के लिए खरीदारी की सलाह है। दोनों ही स्टॉक्स आप दो से तीन दिन के लिए बाय करके चल सकते हैं।

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Trading Plan : इस समय बाजार में पोजीशनल ट्रेड से बचें, कुछ समय इंडेक्स में इंट्रा-डे रहें

Trading Plan : निफ्टी की वीकली एक्सपायरी के दिन कच्चे तेल ने बाजार का खेल बिगाड़ दिया है। निफ्टी 150 प्वाइंट टूटकर 24100 के नीचे फिसल गया है। बैंक निफ्टी भी करीब 750 प्वाइंट नीचे कारोबार कर रहा है। इसमें कल का लो टूटा गया है। इधर मिडकैप और स्मॉलकैप भी बिकवाली आई है। हालांकि, वोलैटिलिटी इंडेक्स इंडिया VIX में कोई बड़ा उछाल नहीं आया है। रुपये की कमजोरी बाजार की टेंशन फिर बढ़ा रही है। आज रुपये में 56 पैसे की कमजोरी है। कल से लेकर आजतक रुपया 1% टूटा है। इधर वेस्ट एशिया संकट से क्रूड भी 86 डॉलर के पार चला गया है। इसके चलते BPCL,IOCऔर HPCL 2-3 परसेंट फिसले हैं।

रियल्टी और सरकारी बैंकों में सबसे ज्यादा बिकवाली देखने को मिल रही है। ये दोनों सेक्टर इंडेक्स करीब दो फीसदी फिसले हैं। साथ ही ऑटो,डिफेंस और NBFCs में भी दबाव है। LTF और श्रीराम फाइनेंस करीब 4 फीसदी गिरावट के साथ वायदा के टॉप लूजर्स में शामिल है। हालांकि फार्मा और मेटल शेयरों में खरीदारी आई है। नतीजों के बाद HCL TECH में मुनाफावसूली देखने को मिली है। यह शेयर करीब 4 फीसदी से ज्यादा फिसलकर निफ्टी का टॉप लूजर बना है। उधर अच्छे बिजनेस अपडेट से कॉनकॉर का शेयर करीब 5 फीसदी चढ़ा है।

बाजार: तेल की मार

बाजार पर बात करते हुए सीएनबीसी-आवाज के मैनेजिंग एडिटर अनुज सिंघल ने कहा कि बाजार में गिरावट है,लेकिन यह सधी हुई है। निफ्टी अभी भी कल के निचले स्तर के ऊपर ही है। बैंक निफ्टी ने जरूर कल के लो तोड़े हैं। बैंक निफ्टी अब 20 DEMA के काफी करीब है। ब्रॉडर मार्केट में भी गिरावट है। ADV/DEC 1:2.5 के करीब है। इंडिया VIX में बड़ी तेजी नहीं है। कच्चा तेल $86 के भी पार निकला है। रुपये में तेज गिरावट है। यह 96 के पार निकला है।

बाजार: अब क्या?

बाजार में गिरावट है,घबराहट नहीं है। अगर यही मार्च में हुआ होता तो निफ्टी 400 प्वाइंट गिरता। बाजार में अब डर का फैक्टर नहीं है। बाजार की सोच है कि ये मामला जल्दी ही सुलझेगा। लेकिन एक रिस्क फैक्टर खुल गया है। ऐसे में बैंक निफ्टी की रैली पर रिस्क है। बैंक निफ्टी काफी चल चुका है और अगर 20 DEMA टूटा तो करेक्शन का रिस्क होगा। इस समय बाजार में पोजीशनल ट्रेड्स से बचें। कुछ समय इंडेक्स में इंट्रा-डे रहें। पोजीशन कैरी करना भी है तो हेज के साथ ही करें

निफ्टी-बैंक निफ्टी पर रणनीति

अनुज सिंघल ने कहा कि निफ्टी के लिए 23,950-24,000 पर सपोर्ट और 24,150-24,200 पर रेजिस्टेंस है। बैंक निफ्टी के लिए 57,000-57,200 पर सपोर्ट और 57,500-57,700 पर रेजिस्टेंस है।

 

 

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डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Trading Plan : बने रहें और गिरावट में खरीदारी के सौदे बढ़ाएं, दिन के हाई पर हो सकती है आज की क्लोजिंग

Trading Plan : आज बाजार में तेजी का मोमेंटम बढ़ा है। मिडकैप इंडेक्स रिकॉर्ड ऊंचाई पर दिख रहा है। इधर डबल सेंचुरी लगाकर निफ्टी 24200 के पास दिख रहा है। निफ्टी 20 DEMA, 50 DMA और 100 DMA के पार निकल गया है। वहीं 700 प्वाइंट से ज्यादा के उछाल के साथ बैंक निफ्टी आज आउटपरफॉर्म कर रहा है। यह 58000 के अहम लेवल के पार कारोबार कर रहा है। स्मॉलकैप शेयरों में भी जबरदस्त मोमेंटम देखने को मिल रहा है। उधर वोलैटिलिटी इंडेक्स इंडिया VIX 8% फिसला है।

TCS के उम्मीद से अच्छे नतीजों ने पूरे IT सेक्टर में जोश भर दिया है। निफ्टी IT इंडेक्स करीब दो फीसदी चढ़ा है। दो फीसदी के उछाल के साथ इन्फोसिस निफ्टी के टॉप गेनर्स में शामिल है। साथ ही रियल्टी और मेटल शेयरों में भी जोरदार तेजी है। लेकिन फार्मा और FMCG में हल्का दबाव है।

बाजार: शानदार चाल

बाजार पर अपनी रणनीति साझा करते हुए सीएनबीसी-आवाज़ के मैनेजिंग एडिटर अनुज सिंघल ने कहा कि खुलते ही लेने की बोल्ड कॉल आज सही रही। निफ्टी अब कल के हाई के ऊपर सेटल हो गया है। बैंक निफ्टी पर ज्यादा भरोसा काम आया है। बैंक निफ्टी में खुलने के बाद भी बड़ी रैली आई है। IT भी ऊपर खुला लेकिन थोड़ा ठंडा पड़ा है। मिडकैप में शानदार तेजी देखने को मिली है। MF डेटा में फिर से उछाल आया है। एमएफ निवेश एक महीने की गिरावट के बाद उछाल है। इंडियन बैंक नतीजों के बाद भागा है। कच्चा तेल $75 के करीब आ गया है। India VIX 7.5% नीचे आया है। पुट कॉल रेश्यो भी ओवरबॉट नहीं है।

बाजार: अब क्या?

बने रहें और गिरावट में खरीदारी के सौदे बढ़ाएं। आज की क्लोजिंग शायद हाईज पर हो। वीकेंड का रिस्क लगे तो थोड़ा हेज कर लें। PSU बैंकों में मोमेंटम लौट रहा है। अभी भी शानदार स्टॉक स्पेसिफिक मौके हैं। वक्त पर एंट्री और एक्जिट बेहद अहम है। डिक्सन टेक पर हमने तब लॉन्ग नजरिया रखा जब सबने शॉर्ट कहा और आज सिर्फ CNBC-आवाज़ का डिक्सन पर मुनाफा बुक करने का नजरिया था।

निफ्टी-बैंक निफ्टी पर रणनीति

निफ्टी के लिए 24,250-24,350 पर रेजिस्टेंस और 24,100-24,150 पर सपोर्ट है। वहीं, बैंक निफ्टी के लिए 58,500-58,800 पर रेजिस्टेंस और 57,800-58,000 पर सपोर्ट है।

 

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डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Market View : निफ्टी बैंक और निफ्टी IT दोनों में हैं तेजी ट्रिगर्स, लेकिन ज्यादा बेहतर मौके अभी भी मिडकैप और स्मॉलकैप्स में

Market View : अच्छे ग्लोबल और घरेलू संकेतों के दम पर बाजार में लगातार दूसरे दिन बुल्स का दबदबा देखने को मिल रहा है। निफ्टी 24200 के पार कारोबार कर रहा है। बैंक निफ्टी ने भी 58000 की तरफ कदम बढ़ा दिए हैं। मिडकैप-स्मॉलकैप में भी मोमेंटम है। वोलैटिलिटी इंडेक्स इंडिया VIX 6 फीसदी नीचे आ गया है। TCS के नतीजों ने पूरे IT सेक्टर में जोश भर दिया है। निफ्टी IT इंडेक्स करीब दो फीसदी चढ़ा है। HCL TECH 2 फीसदी के उछाल के साथ निफ्टी का टॉप गेनर बना है। साथ ही कंज्यूमर ड्यूरेबल,तेल-गैस और NBFCs में फीसदी से ज्यादा की तेजी है। वहीं फार्मा में आज हल्का दबाव है।

बाजार: हरियाली लौटी

बाजार पर अपनी राय साझा करते हुए सीएनबीसी-आवाज़ के मैनेजिंग एडिटर अनुज सिंघल ने कहा कि आज बाजार में फिर हरियाली देखने को मिल रही है। बुधवार का सेशन अब बुरे सपने जैसा लग रहा है। कल पूरे दिन बाजार में शानदार तेजी रही। क्लोजिंग निचले स्तरों के पास हुई इसलिए पोजीशन लेकर जाने का भरोसा नहीं था। बुधवार की रेड कैंडल काफी बड़ी थी और सेंटिमेंट खराब हुआ था। मगर कल मिडकैप और स्मॉलकैप एकदम दिन के हाई पर बंद हुए और Adv/Dec पूरे दिन काफी शानदार रहा।

कल भी हमने बात की थी कि इस बार घबराना नहीं है। सबसे बढ़िया बात यह है कि कच्चा तेल वापस अब $76 पर आ गया है। एक बात साफ है,कच्चे तेल के फंडामेंटल्स काफी कमजोर हैं। इसके वापस $70 के नीचे जाने के चांस काफी हाई हैं। आज ग्लोबल बाजारों में ताबड़तोड़ रिस्क-ऑन रैली है। डॉलर इंडेक्स 101 के नीचे है और कमोडिटीज में बड़ी रैली है।

बाजार: क्या हो रणनीति

कल हमने 24,100 के पास लॉन्ग पोजीशन बुक करने का नजरिया लिया था और कल एक नजरिया था कि कुछ दिन इंट्राडे रहेंगे। आज खुलते ही निफ्टी वापस रजिस्टेंस जोन में खुला। ऐसे में 24,150 का पार करना और टिकना जरूरी है। आज अगर क्लोजिंग दिन के हाई पर हुई तो बहुत बड़ा पॉजिटिव होगा। आज निफ्टी बैंक और निफ्टी IT दोनों के चलने के ट्रिगर्स हैं। मगर ज्यादा बेहतर मौके अभी भी मिडकैप और स्मॉलकैप्स में हैं। चाहें तो 1-2 दिन और इंडेक्स में इंट्राडे ही रहें। आज मिडकैप IT में मजबूत शेयरों पर फोकस कर सकते हैं। इसके अलावा हिंद जिंक जैसे प्योर मेटल शेयर भी रडार पर रखें।

निफ्टी पर रणनीति

निफ्टी के लिए पहला रजिस्टेंस 24,050-24,150 पर और बड़ा रजिस्टेंस 24,200-24,300 पर है। इसके लिए पहला सपोर्ट 23,900-23,950 पर और बड़ा सपोर्ट 23,800-23,850 पर है। पोजीशन जोड़ने का जोन 23,950-24,000 है। लॉन्ग्स के लिए SL 23,900 पर रखें। बिकवाली तभी करें जब 24,050-24,100 रिजेक्ट हो। इसके लिए SL 24,175 पर रखें।

बैंक निफ्टी पर रणनीति

बैंक निफ्टी ने कल 200 DMA को फिर पार किया है। इसके लिए पहला रजिस्टेंस 57,450-57,600 पर और बड़ा रजिस्टेंस 57,800-58,000 पर है। इसके लिए पहला सपोर्ट 57,200-57,300 पर और बड़ा सपोर्ट 56,800-57,000 पर है। गैपअप के बाद गिरावट का इंतजार करें,फिर खरीदारी करें। SL 57,200 पर रखें। 57,800-58,000 के रिजेक्शन पर बिकवाली करें।

 

Market Trend : बाजार में तेजी बढ़ी, निफ्टी 24200 के पार,आज इन दो शेयरों में हो सकती है जोरदार कमाई

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Stock Market Crash: डे-हाई से Sensex में 350 अंकों की गिरावट, 4 वजहों से Nifty आया 24450 के नीचे

Stock Market Crash: निफ्टी की वीकली एक्सपायरी के दिन आज मार्केट में शुरुआती कारोबार में अच्छी रौनक दिखी। घरेलू इक्विटी बेंचमार्क इंडेक्सेज उछल पड़े। सेंसेक्स 350 प्वाइंट्स से अधिक उछल पड़ा था तो निफ्टी भी 24500 के पार चला गया लेकिन फिर इंट्रा-डे हाई से सेंसेक्स 350 प्वाइंट्स टूट गया तो निफ्टी भी फिसलकर 24450 के नीचे तक आ गया। हालांकि ब्रोडर लेवल पर मार्केट में आज शुरुआती कारोबार से ही दबाव बना रहा। निफ्टी मिडकैप 100 में आधे फीसदी के करीब गिरावट है तो निफ्टी स्मॉलकैप 100 में आधे फीसदी से अधिक गिरावट है। अब इक्विटी बेंचमार्क इंडेक्सेज की बात करें तो 01:39 PM पर सेंसेक्स 31.33 यानी 0.04% की गिरावट के साथ 78,253.74 और निफ्टी 8.70 यानी 0.04% की फिसलन के साथ 24,421.65 पर है।

Stock Market Crash: ये है वजह

मुनाफावसूली

निवेशकों ने लगातार पांचवे दिन मार्केट में रौनक का फायदा उठाया और ऊपरी स्तर पर मुनाफावसूली की जिससे मार्केट नीचे आया। चार दिनों में सेंसेक्स और निफ्टी 2.4% मजबूत हुआ और यह करीब 10 हफ्ते के हाई लेवल पर बंद हुआ था।

Nifty की वीकली एक्सपायरी

आज निफ्टी के डेरिवेटिव कॉन्ट्रैक्ट्स की वीकली एक्सपायरी है तो इसका भी असर आज मार्केट पर दिखा।

मेटल और रियल्टी शेयरों में गिरावट

मार्केट पर आज मेटल और रियल्टी शेयरों ने काफी दबाव बनाया। मेटल शेयरों के निफ्टी इंडेक्स निफ्टी में 1% से अधिक तो निफ्टी रियल्टी में डेढ़ फीसदी से अधिक की गिरावट आई। इसके अलावा हल्की ही सही लेकिन सरकारी और प्राइवेट बैंकों के शेयरों ने भी मार्केट पर दबाव बनाया है जिनके निफ्टी इंडेक्स लाल हैं। हालांकि आईटी सेक्टर मार्केट को ऊपर लाने की पूरी कोशिश कर रहा जिससे मार्केट की गिरावट सीमित हो जा रही है। निफ्टी आईटी में ढाई फीसदी से अधिक तेजी है।

अमेरिका-ईरान तनाव

होर्मुज जलडमरूमध्य के पास ओमान के तट पर एक तेल टैंकर पर मिसाइल हमला हुआ। इसे लेकर ईरानी स्टेट मीडिया की रिपोर्ट के मुताबिक यह टैंकर अमेरिकी नौसेना के सपोर्ट से ओमान के समुद्री रास्ते से गुजरने की कोशिश कर रहा था, जिसने ईरानी अधिकारियों की बार-बार दी गई चेतावनियों को नजरअंदाज किया था जिसके बाद इसे निशाना बनाया गया।

टेक्निकल आउटलुक

जियोजीत इंवेस्टमेंट्स के चीफ मार्केट स्ट्रैटेजिस्ट आनंद जेम्स का कहना है कि एक कारोबारी दिन पहले 24400 के ऊपर निफ्टी के क्लोज होने से 24800-25250 की तरफ इसके बढ़ने का माहौल और सुधरा। हालांकि उन्होंने इस बात को लेकर भी सतर्क किया है कि 24600 के लेवल पर मार्केट को कुछ रिजेक्शन भी झेलना पड़ सकता है। आनंद के मुताबिक 24360 के सपोर्ट पर मार्केट 24600 की तरफ बढ़ सकता है।

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Metal Stocks : मेटल स्टॉक्स में गिरावट का डर, राकेश अरोड़ा बोले- अब तेजी आते ही करें मुनाफावसूली

Metal Stocks : अगर हाल के दिनों में मेटल शेयरों में तेजी देखकर आप खरीदारी का प्लान बना रहे हैं, तो थोड़ा रुक जाइए। GoIndiaStocks.com के फाउंडर राकेश अरोड़ा का मानना है कि मेटल स्टॉक्स के अच्छे दिन खत्म होने की कगार पर हैं। उनका कहना है कि फिलहाल मेटल शेयरों में नई खरीदारी करने के बजाय मुनाफा वसूलने पर विचार करना चाहिए।

उनके मुताबिक, अप्रैल-जून तिमाही (Q1FY27) के नतीजे मेटल कंपनियों के लिए अच्छे रह सकते हैं। लेकिन बाजार पहले ही इसकी उम्मीद लगा चुका है। यानी अच्छी खबर का असर काफी हद तक शेयरों की कीमतों में दिख चुका है। आने वाले महीनों में कमोडिटी की कीमतें नरम पड़ सकती हैं। ऐसे में कंपनियों की कमाई के अनुमान भी घटाए जा सकते हैं।

Q1 नतीजों से पहले आ सकती है थोड़ी तेजी

राकेश अरोड़ा का कहना है कि पिछले कुछ महीनों में मेटल शेयर 20% से 30% तक टूटे थे। इसलिए मजबूत जून तिमाही नतीजों से पहले इनमें थोड़ी तेजी या रिकवरी देखने को मिल सकती है। हालांकि, उन्हें नहीं लगता कि ये शेयर इतनी जल्दी अपने पुराने हाई पर पहुंच जाएंगे।

एल्युमिनियम कंपनियों को लेकर सबसे ज्यादा चिंता

राकेश अरोड़ा की सबसे बड़ी चिंता एल्युमिनियम सेक्टर को लेकर है। उनका कहना है कि कई ब्रोकरेज और एनालिस्ट अब भी अपने अनुमान में एल्युमिनियम का भाव करीब 3,200 डॉलर प्रति टन मान रहे हैं। लेकिन उनकी राय इससे अलग है।

उन्हें लगता है कि मिडिल ईस्ट और इंडोनेशिया से नई सप्लाई आने वाली है। इससे बाजार में एल्युमिनियम की उपलब्धता बढ़ेगी। ऐसे में कीमत घटकर करीब 2,600 डॉलर प्रति टन तक आ सकती है। अगर ऐसा हुआ, तो एल्युमिनियम कंपनियों की कमाई के अनुमान घटाने पड़ेंगे। इसका सीधा असर शेयरों पर भी दिख सकता है।

स्टील सेक्टर पर भी बहुत भरोसा नहीं

राकेश अरोड़ा स्टील सेक्टर को लेकर भी ज्यादा उत्साहित नहीं हैं। उनका कहना है कि अप्रैल-जून तिमाही में स्टील कंपनियों के नतीजे अच्छे आ सकते हैं। Vedanta जैसी कंपनियां भी मजबूत प्रदर्शन कर सकती हैं। लेकिन स्टील की कीमतें अब अपना पीक देख चुकी हैं।

एक तरफ चीन से स्टील का निर्यात बढ़ रहा है। दूसरी तरफ भारत की कंपनियां तेजी से उत्पादन क्षमता बढ़ा रही हैं। इससे बाजार में सप्लाई ज्यादा हो सकती है। अगर सप्लाई बढ़ी, तो कंपनियों के मार्जिन पर दबाव आएगा।

इसी वजह से उनका मानना है कि स्टील शेयरों में अभी और गिरावट आ सकती है। हालांकि, वैल्यूएशन के लिहाज से ये एल्युमिनियम कंपनियों के मुकाबले सस्ते जरूर हैं।

वेदांता के आयरन और स्टील को लेकर क्या कहा?

हाल ही में Vedanta के डीमर्जर के बाद बने Vedanta Iron & Steel के कारोबार पर भी राकेश अरोड़ा ने अपनी राय रखी। उनका कहना है कि आयरन और स्टील कारोबार में होने वाले विस्तार का फायदा शेयर पहले ही कीमत में जोड़ चुका है। इसलिए यहां बहुत ज्यादा तेजी की गुंजाइश नहीं बची है।

वहीं, ग्रुप के ऑयल एंड गैस कारोबार में उन्हें कुछ वैल्यू नजर आती है। लेकिन, रेगुलेटरी चिंताओं की वजह से यह फिलहाल हाई-रिस्क निवेश है। यह वैल्यू ट्रैप भी साबित हो सकता है।

कॉपर सेक्टर पर भी दी चेतावनी

राकेश अरोड़ा मानते हैं कि लंबे समय में कॉपर की मांग अच्छी रह सकती है। लेकिन फिलहाल उन्हें कॉपर कंपनियों के शेयर महंगे लग रहे हैं।

उनका कहना है कि बाजार रिसाइकल्ड कॉपर की बढ़ती सप्लाई को गंभीरता से नहीं ले रहा। अगर रिसाइकल्ड कॉपर की उपलब्धता बढ़ती रही, तो कॉपर की कीमतों पर दबाव आ सकता है।

निवेशकों को क्या करना चाहिए?

राकेश अरोड़ा की सलाह है कि अगर मजबूत जून तिमाही नतीजों की वजह से मेटल शेयरों में तेजी आती है, तो उसे नई खरीदारी का संकेत मत मानिए। उनके मुताबिक, यह तेजी मुनाफावसूली का मौका हो सकती है।

हालांकि, उन्होंने एक बात और कही। अगर अमेरिकी डॉलर लगातार कमजोर होता है, तो वैश्विक कमोडिटी कीमतों को सहारा मिल सकता है। ऐसे में बेस मेटल्स का आउटलुक बेहतर हो सकता है। यही एक बड़ा फैक्टर है, जो उनके मौजूदा नजरिए को बदल सकता है।

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