बिना कदम थकाए जन्नत का करें दीदार, जहां हिमालय पर गाड़ी से पहुंच सकते हैं आप!

अगर आप पहाड़ों (mountain) की खूबसूरती का आनंद लेना चाहते हैं, लेकिन लंबी ट्रेकिंग (trekking) और मुश्किल रास्तों से बचना चाहते हैं, तो हिमालय गांव (Himalayan village) आपके लिए बेहतरीन ऑप्शन हो सकते हैं। यहां आप सड़क मार्ग से आसानी से पहुंचकर ऊंचे पहाड़, ठंडी हवा, शांत माहौल और अनछुई प्राकृतिक खूबसूरती का भरपूर आनंद ले सकते हैं:

Zuluk village (जुलुक गांव का शांत और खूबसूरत नजारा)

Full view of Zuluk Village from top of Silk Route Sikkim 21616058 Stock Photo at Vecteezy

सिक्किम (Sikkim) का जुलुक गांव समुद्र तल से करीब 9,400 फीट की ऊंचाई पर है। भारत-चीन (India-China) बॉर्डर के पास बसे इस गांव तक सड़क मार्ग से पहुंचा जा सकता है। यहां की घुमावदार सड़कें, बादलों से घिरी पहाड़ियां और शांत वातावरण इसे ऑफबीट ट्रैवल (offbeat travel) पसंद करने वालों के लिए खास बनाते हैं।

Silk Route (सिल्क रूट का यूनिक एक्सपीरियंस)

Kalimpong to Zuluk Cycling adventure with cycling in India

जुलुक (Zuluk) सिर्फ प्राकृतिक सुंदरता के लिए ही नहीं, बल्कि ऐतिहासिक ओल्ड सिल्क रूट (Old Silk Route) का हिस्सा होने के कारण भी मशहूर है। यहां आने वाले टूरिस्ट शानदार व्यू पॉइंट्स (viewpoint) के साथ-साथ इस ऐट्रेड रुट की झलक भी देख सकते हैं। भीड़भाड़ से दूर सुकून भरी छुट्टियां (holiday) बिताने के लिए यह शानदार जगह है।

Nako Village (नाको गांव में मिलेगा हिमालय का अलग रूप)

Nako Village, Himachal Pradesh Stock Image - Image of autumn, background: 202877089

हिमाचल प्रदेश (Himachal Pradesh) के किन्नौर जिले में नाको गांव लगभग 12,000 फीट की ऊंचाई पर बसा है। स्पीति घाटी के नजदीक यह गांव अपनी बौद्ध संस्कृति, शांत माहौल और खूबसूरत पहाड़ी नजारों के लिए जाना जाता है। यहां पहुंचते ही बदलता प्राकृतिक दृश्य ट्रैवलर को अलग ही एक्सपीरियंस देता है।

adventure and tranquility (एडवेंचर और सुकून का परफेक्ट कॉम्बिनेशन)

Nako Lake reflection in Kinnaur, Himachal

नाको (Nako) की खासियत इसकी अनछुई प्राकृतिक खूबसूरती और शांत वातावरण है। यहां भूरे पहाड़, साफ आसमान, ठंडी हवा और लोकल कल्चर मिलकर ऐसा एक्सपीरियंस देते हैं, जो शहर की भागदौड़ से पूरी तरह अलग होता है। अगर आप ऑफबीट ट्रिप (offbeat trip), नेचर और फोटोग्राफी (photography) के शौकीन हैं, तो जुलुक और नाको दोनों गांव आपकी ट्रैवल लिस्ट (travel list) में जरूर होने चाहिए।

IRCTC का ये है धमाकेदार पैकेज, जहां पहाड़ों में और प्रकृति में बिताएं सुख भरे पल!

क्या आप भी भीड़भाड़, ट्रैफिक और रोजमर्रा की भागदौड़ से कुछ दिनों की राहत चाहते हैं, तो नॉर्थ-ईस्ट (North-East) की वादियां (valleys) आपका इंतजार कर रही हैं। ऊंचे पहाड़, हरियाली, शांत माहौल और प्राकृतिक खूबसूरती से भरपूर यह क्षेत्र सुकून भरी छुट्टियां बिताने के लिए बेहतरीन माना जाता है। ऐसे में IRCTC ने ट्रैवलर के लिए एक खास फ्लाइट टूर पैकेज (flight tour package) लॉन्च किया है, जिससे इस खूबसूरत सफर की प्लानिंग करना और भी आसान हो गया है:

 

 

इन जगहों को करें एक्सप्लोर

IRCTC के अरुणोदय अरुणाचल (Arunoday Arunachal) फ्लाइट टूर पैकेज (flight tour package) में आपको असम (Assam) और अरुणाचल प्रदेश (Arunachal Pradesh) की कई खूबसूरत जगहें घूमने का मौका मिलेगा। इस जर्नी के दौरान प्रकृति, संस्कृति और पहाड़ों का शानदार संगम देखने को मिलेगा।

 

Tawang (तवांग): बर्फ से ढके पहाड़, विशाल बौद्ध मठ और मनमोहक नजारों की वजह से तवांग नॉर्थ-ईस्ट के सबसे पॉपुलर टूरिस्ट डेस्टिनेशन में गिना जाता है।Tawang Wallpapers - Wallpaper Cave

Tezpur (तेजपुर): ब्रह्मपुत्र नदी (Brahmaputra River) के किनारे बसा यह शहर अपनी प्राकृतिक खूबसूरती, शांत माहौल और ऐतिहासिक महत्व के लिए जाना जाता है।90+ Tezpur Assam Stock Photos, Pictures & Royalty-Free Images - iStock

Dirang (दिरांग): अरुणाचल प्रदेश की खूबसूरत घाटियों में बसा यह छोटा-सा शहर हरियाली, ठंडे मौसम और शांत वातावरण के लिए मशहूर है।170+ Dirang Stock Photos, Pictures & Royalty-Free Images - iStock

Guwahati (गुवाहाटी): असम की राजधानी और नॉर्थ-ईस्ट का प्रमुख शहर, जहां से इस यादगार सफर की शुरुआत होगी।Guwahati | India, Map, History, & Facts | Britannica

इस टूर पैकेज को क्यों बनाएं अपनी पसंद?

अगर आप छुट्टियों (holiday) में सुकून, प्राकृतिक खूबसूरती और रोमांच तीनों का मजा लेना चाहते हैं, तो यह टूर पैकेज बेहतरीन ऑप्शन हो सकता है।

अनछुई नेचुरल ब्यूटी: हरियाली, झरने, साफ हवा और शांत माहौल आपको शहर की भागदौड़ से दूर पूरी तरह तरोताजा कर देंगे।Assam Wallpapers - Top Free Assam Backgrounds - WallpaperAccess

 

हिमालय (Himalayan) के शानदार नजारे: बर्फ से ढकी चोटियां, गहरी घाटियां और बादलों से घिरे पहाड़ इस सफर को और भी यादगार बना देंगे।

Story pin image

 

प्राचीन बौद्ध मठों का एक्सपीरियंस: तवांग (Tawang) और आसपास के प्रसिद्ध मठों में आपको आध्यात्मिक माहौल और शांति का यूनिक एक्सपीरियंस मिलेगा।

This may contain: a river running through a lush green hillside next to tall yellow buildings with red roofs

 

रोमांच से भरपूर पहाड़ी रास्ते: घुमावदार पहाड़ी सड़कें और ऊंचे दर्रे एडवेंचर पसंद करने वालों के लिए खास अट्रैक्शन होंगे।This may contain: an empty road surrounded by trees and mountains in the distance with fog rolling over them

कितना होगा खर्च?

This may contain: a city on top of a hill covered in clouds

IRCTC के ‘अरुणोदय अरुणाचल’ फ्लाइट टूर पैकेज की शुरुआती कीमत ₹53,500 प्रति व्यक्ति रखी गई है। इस पैकेज में ट्रैवल से जुड़ी कई सुविधाएं शामिल हैं, जिससे आपको अलग-अलग बुकिंग (booking) की चिंता नहीं करनी पड़ती। अगर आप नॉर्थ-ईस्ट की खूबसूरत वादियों में यादगार छुट्टियां (holiday) बिताना चाहते हैं, तो यह पैकेज (package) एक शानदार ऑप्शन साबित हो सकता है।

पहाड़ों की चोटियों पर बसे भारत के वो मंदिर जहां सिर्फ कदम चलते है!

भारत को मंदिरों का देश कहा जाता है, जहां कई प्राचीन मंदिर पहाड़ों की ऊंची चोटियों पर बने हुए हैं। इन मंदिरों तक पहुंचना आसान नहीं होता, लेकिन भक्त कठिन रास्तों को पार करके भगवान के दर्शन के लिए पहुंचते हैं। पहाड़ों की शांति और सुंदर वातावरण इन मंदिरों की खासियत को और बढ़ा देते हैं। आइए जानते हैं ऐसे ही प्रसिद्ध पहाड़ी मंदिरों के बारे में, जहां आस्था और प्रकृति का अद्भुत संगम देखने को मिलता है:

आदि बद्री मंदिर – शांत वातावरण में बसा प्राचीन धाम

TheEtherealCircuit

उत्तराखंड में स्थित आदि बद्री मंदिर प्राचीन धार्मिक स्थलों में से एक माना जाता है। मान्यता है कि यह मंदिर सरस्वती नदी के उद्गम क्षेत्र के पास स्थित है। यहां पहुंचने का रास्ता आसान नहीं है और भक्तों को कुछ दूरी पैदल चलकर तय करनी पड़ती है। पहाड़ों के बीच बसे इस मंदिर की यात्रा श्रद्धा, धैर्य और प्रकृति के करीब जाने का अनुभव देती है। यहां का शांत वातावरण मन को सुकून और आध्यात्मिक शांति का एहसास कराता है।

 

मध्यमहेश्वर मंदिर – कठिन रास्तों के बीच आस्था का केंद्र

Madhyamaheshwar Temple Stock Photo - Download Image Now - Synagogue, Temple - Building, Asia - iStock

उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग जिले में स्थित मध्यमहेश्वर मंदिर पंच केदारों में से एक है। यह मंदिर हिमालय की ऊंची पहाड़ियों और सुंदर घाटियों के बीच स्थित है। यहां तक पहुंचने के लिए लंबी पैदल यात्रा करनी पड़ती है, क्योंकि सड़क मार्ग सीधे मंदिर तक नहीं पहुंचता। कठिन चढ़ाई के बावजूद बड़ी संख्या में श्रद्धालु भगवान शिव के दर्शन के लिए यहां पहुंचते हैं। यह यात्रा धैर्य, भक्ति और मजबूत इच्छाशक्ति की मिसाल मानी जाती है।

 

तुंगनाथ मंदिर – दुनिया का सबसे ऊंचा शिव मंदिर

तुंगनाथ मंदिर - विश्व का सबसे ऊँचा शिव मंदिर

 

उत्तराखंड में स्थित तुंगनाथ मंदिर को दुनिया का सबसे ऊंचा शिव मंदिर माना जाता है। यह मंदिर समुद्र तल से लगभग 12,000 फीट की ऊंचाई पर चंद्रशिला पर्वत के पास स्थित है। यहां पहुंचने के लिए भक्तों को ऊबड़-खाबड़ और चढ़ाई वाले रास्तों से गुजरना पड़ता है। बादलों और पहाड़ों के बीच स्थित यह मंदिर अपनी प्राकृतिक सुंदरता और शांत वातावरण के लिए प्रसिद्ध है। तुंगनाथ की यात्रा भक्तों को धैर्य और आत्मविश्वास का संदेश देती है।

 

वैष्णो देवी मंदिर – आस्था और विश्वास की कठिन यात्रा

Vaishno Devi Shrine: Where Spirituality, History, and Devotion Converge - माता वैष्णो देवी मंदिर की गुफा कितनी पुरानी है? जानिए इसका इतिहास | Jansatta

जम्मू-कश्मीर के कटरा में मां वैष्णो देवी मंदिर त्रिकूट पर्वत पर करीब 5,200 फीट की ऊंचाई पर बना है। माता रानी के दर्शन के लिए भक्तों को कठिन चढ़ाई और लंबी यात्रा पूरी करनी पड़ती है। रास्ते में कई मुश्किलों के बावजूद श्रद्धालु पूरे विश्वास और भक्ति के साथ आगे बढ़ते हैं। मान्यता है कि मां वैष्णो देवी के दर्शन करने से मन को शांति और सकारात्मक ऊर्जा मिलती है।

 

केदारनाथ मंदिर – हिमालय की गोद में शिव का पवित्र धाम

Kedarnath Images – Browse 3,485 Stock Photos, Vectors, and Video | Adobe Stock

उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग जिले में स्थित केदारनाथ मंदिर भगवान शिव के सबसे प्रसिद्ध तीर्थ स्थलों में से एक है। यह मंदिर समुद्र तल से लगभग 3,583 मीटर की ऊंचाई पर हिमालय की बर्फीली चोटियों के बीच स्थित है। यहां पहुंचने के लिए श्रद्धालुओं को कठिन पैदल यात्रा करनी पड़ती है, क्योंकि मंदिर तक सीधा सड़क मार्ग नहीं है। खराब मौसम और कठिन रास्तों के बावजूद भक्त बाबा के दर्शन के लिए पहुंचते हैं। केदारनाथ की यात्रा धैर्य, विश्वास और अटूट भक्ति का प्रतीक मानी जाती है।

 

मानसून भी नहीं रोक पाएगा आपकी ट्रैवल प्लानिंग, बारिश से हटकर कुछ खास जुलाई में घूमने की टॉप 6 लोकेशन!

जुलाई का महीना भारत में मानसून का मौसम लेकर आता है, लेकिन अगर आप बारिश से बचते हुए घूमने का प्लान बना रहे हैं, तो देश में कई ऐसी खूबसूरत जगहें हैं जहां इस समय भी मौसम सुहावना रहता है। इन डेस्टिनेशंस पर कम बारिश होने के कारण आप बिना किसी परेशानी के प्राकृतिक नज़ारों, एडवेंचर और संस्कृति का भरपूर आनंद ले सकते हैं। आइए जानते हैं जुलाई में मॉनसून से बचने के लिए भारत की 6 बेहतरीन घूमने लायक जगहों के बारे में:

लाहौल घाटी-हिमालयी शांत वादी

PHOTOS: हिमाचल का स्वर्ग है स्पीति घाटी, हर साल आते हैं बड़ी संख्या में सैलानी

हिमाचल प्रदेश की लाहौल घाटी जुलाई में मॉनसून से बचकर घूमने के लिए एक बेहतरीन डेस्टिनेशन है। यह भी रेन शैडो क्षेत्र में आती है, इसलिए यहां बारिश बहुत कम होती है और मौसम सुहावना बना रहता है। सिस्सू, सूरज ताल, बारालाचा ला और गोंधला किला जैसी जगहें यहां की प्राकृतिक खूबसूरती को और खास बनाती हैं। बर्फ से ढकी चोटियां, साफ नदियां और शांत वातावरण नेचर लवर को बेहद पसंद आता है। रोड ट्रिप, ट्रेकिंग, कैंपिंग और फोटोग्राफी के लिए यह जगह किसी सपने से कम नहीं है।

जैसलमेर-सुनहरी रेगिस्तान नगरी

Rajasthan - Sharvil Holidays

राजस्थान का गोल्डन सिटी जैसलमेर जुलाई में भी घूमने के लिए एक अच्छा ऑप्शन माना जाता है, क्योंकि यहां बारिश बहुत कम होती है। मानसून के दौरान मौसम अपेक्षाकृत सुहावना हो जाता है और टूरिस्ट की भीड़ भी कम रहती है। जैसलमेर किला, पटवों की हवेली, गड़ीसर झील और सैम सैंड ड्यून्स यहां काअट्रैक्शन हैं। रेगिस्तान में ऊंट की सवारी, डेजर्ट सफारी, लोक संगीत और ट्रेडिशनल राजस्थानी संस्कृति का एक्सपीरियंस आपकी जर्नी को यादगार बना देता है। अगर आप रेगिस्तान की खूबसूरती को करीब से देखना चाहते हैं, तो जुलाई का समय भी अच्छा साबित हो सकता है।

हम्पी-पुरानी खंडहर नगरी

Uragas Immigrated in India Seems an Unproved Hypothesis – Raigar.net

अगर आप हिस्ट्री और आर्किटेक्चर में इंटरेस्ट रखते हैं, तो कर्नाटक का हम्पी जुलाई में घूमने के लिए शानदार डेस्टिनेशन है। हल्की बारिश के कारण यहां का वातावरण हरा-भरा और सुहावना हो जाता है, जिससे प्राचीन मंदिरों और खंडहरों की सुंदरता और बढ़ जाती है। यूनेस्को विश्व धरोहर सूची में शामिल यह शहर विरुपाक्ष मंदिर, विट्ठल मंदिर, लोटस महल और मातंगा हिल जैसी ऐतिहासिक जगहों के लिए प्रसिद्ध है। यहां साइकिल से घूमना, सूर्योदय और सूर्यास्त का नजारा देखना और विरासत से जुड़ी कहानियों को जानना एक अलग ही एक्सपीरियंस देता है।

स्पीति घाटी-बर्फीला रेगिस्तान

WINTER SPECIAL TRIP TO SPITI VALLEY - 7 Days/6 Nights at 17499 INR (EX- SHIMLA) - HTC - Hyderabad Trekking Company

हिमाचल प्रदेश की स्पीति घाटी उन लोगों के लिए स्वर्ग है जो प्रकृति, रोमांच और शांति का आनंद लेना चाहते हैं। रेन शैडो क्षेत्र में होने के कारण यहां जुलाई में बहुत कम बारिश होती है, जिससे रोड ट्रिप और दर्शनीय जगहों की सैर आसान हो जाती है। की मठ, चंद्रताल झील, हिक्किम, कोमिक और धंकर मठ जैसी जगहें यहां की सबसे बड़ी खासियत हैं। बंजर पहाड़, नीला आसमान और प्राचीन बौद्ध संस्कृति इस घाटी को एक अलग पहचान देते हैं। ट्रेकिंग, बाइकिंग और फोटोग्राफी के शौकीनों के लिए यह जगह किसी जन्नत से कम नहीं है।

पुडुचेरी-फ्रेंच कोस्टल शांति

FORTE KOCHI (Fort Kochi) - Hotel Reviews, Photos, Rate Comparison - Tripadvisor

अगर आप समुद्र किनारे सुकून भरी छुट्टियां बिताना चाहते हैं, तो पुडुचेरी एक बेहतरीन ऑप्शन है। जुलाई में यहां दक्षिण-पश्चिम मानसून का असर थोड़ा कम रहता है, जिससे मौसम घूमने के लिए फ्रेंडली बना रहता है। फ्रेंच वास्तुकला, रंग-बिरंगी गलियां, प्रोमेनेड बीच, ऑरोविल और श्री अरविंद आश्रम यहां के मेन अट्रैक्शन हैं। यहां बीच पर सैर, कैफे हॉपिंग, साइकिलिंग और मेडिटेशन का आनंद लिया जा सकता है। शांत वातावरण और खूबसूरत समुद्री नजारे इसे कपल्स और फैमिली ट्रिप दोनों के लिए खास बनाते हैं।

लेह-हिमालय का जादुई स्वर्ग

Top 23 Best Places to Visit in Leh Ladakh

अगर आप जुलाई में मॉनसून से दूर किसी ऐसी जगह की तलाश में हैं, जहां नीला आसमान, बर्फ से ढके पहाड़ और शांत झीलें आपका स्वागत करें, तो लेह आपके लिए बेहतरीन ऑप्शन है। यह क्षेत्र रेन शैडो ज़ोन में आता है, इसलिए यहां बारिश बेहद कम होती है। जुलाई में पैंगोंग झील, नुब्रा घाटी, खारदुंग ला, शांति स्तूप और लेह पैलेस जैसी जगहों की खूबसूरती अपने चरम पर होती है। यहां बाइक ट्रिप, रिवर राफ्टिंग, कैंपिंग और मठों की सैर जैसी एक्टिविटीज आपकी ट्रिप को यादगार बना देती हैं। हालांकि, अधिक ऊंचाई के कारण पहले दिन आराम करना और पानी पीना जरूरी होता है।

अगर आप जुलाई में बारिश से दूर और आरामदायक ट्रिप की तलाश में हैं, तो भारत में ये सभी जगहें शानदार हैं। आप अपनी पसंद और सुविधा से सही डेस्टिनेशन चुनकर मानसून के मौसम में भी यादगार छुट्टियों का आनंद ले सकते हैं। सही प्लानिंग के साथ यह ट्रिप आपके लिए बेहद खास और यादगार साबित होगी।

भारत की बेहतरीन मॉनसून सफ़ारी, जहां बारिश में भी खत्म नहीं होता वाइल्डलाइफ़ सीज़न और भी बन जाता है रोमांचक!

भारत में मॉनसून का मौसम केवल हरियाली और ठंडी फुहारों का ही नहीं, बल्कि वन्यजीवन को उसके सबसे जीवंत और प्राकृतिक रूप में देखने का भी अवसर लेकर आता है। बारिश के साथ जंगल नई ऊर्जा से भर उठते हैं, नदियां और झरने लबालब हो जाते हैं तथा वनस्पतियां अपने पूरे सौंदर्य के साथ खिल उठती हैं। कुछ नेशनल पार्क इस मौसम में संरक्षण कार्यों के कारण बंद रहते हैं, लेकिन कई ऐसे स्थान भी हैं जहां मॉनसून सफ़ारी नेचर को बेहद करीब से महसूस करने का अनूठा एक्सपीरियंस देती है। आइए जानते हैं भारत के ऐसे ही कुछ शानदार मॉनसून सफ़ारी स्थलों के बारे में:

पश्चिम बंगाल में सुंदरबन

How to Plan a Sundarban Tour | Beginner's Travel Guide by Anahita

सुंदरबन नेशनल पार्क दुनिया का सबसे बड़ा मैंग्रोव वन है और यह गंगा, ब्रह्मपुत्र तथा मेघना नदियों के विशाल डेल्टा क्षेत्र में फैला हुआ है। मॉनसून के दौरान यहां की नदियां, जलमार्ग और घने मैंग्रोव जंगल एक अनोखा प्राकृतिक दृश्य प्रस्तुत करते हैं। यहां सफ़ारी जीप से नहीं बल्कि नाव के माध्यम से की जाती है, जो इसे भारत के अन्य राष्ट्रीय उद्यानों से अलग बनाती है। यह क्षेत्र Royal Bengal Tiger, Saltwater Crocodile, Fishing Cat, Water Monitor Lizard और Irrawaddy Dolphin सहित अनेक दुर्लभ जीवों का प्राकृतिक आवास है। पक्षी प्रेमियों और वन्यजीव फोटोग्राफरों के लिए भी यह एक शानदार डेस्टिनेशन माना जाता है।

उत्तराखंड का वैली ऑफ़ फ्लावर्स नेशनल पार्क

फूलों की घाटी राष्ट्रीय उद्यान: उत्तराखंड में यूनेस्को की धरोहर का एक अनमोल रत्न – रहस्यमय हिमाचल

हिमालय की गोद में बसा वैली ऑफ़ फ्लावर्स नेशनल पार्क मॉनसून के दौरान प्रकृति का सबसे मनमोहक रूप प्रस्तुत करता है। जुलाई से सितंबर के बीच पूरी घाटी 500 से ज्यादा प्रजातियों के रंग-बिरंगे जंगली फूलों से ढक जाती है, जिनमें ब्लू पॉपी, प्रिमुला, एनीमोन, कोबरा लिली और कई दुर्लभ हिमालयी वनस्पतियां शामिल हैं। UNESCO की विश्व धरोहर सूची में शामिल यह राष्ट्रीय उद्यान ट्रेकिंग, प्रकृति दर्शन और फोटोग्राफी के लिए दुनियाभर में प्रसिद्ध है। यहां Himalayan Black Bear, Musk Deer, Blue Sheep और दुर्लभ Snow Leopard जैसे वन्यजीव भी पाए जाते हैं। बारिश के मौसम में बहते झरने, बादलों से घिरी पर्वत श्रृंखलाएँ और हरी-भरी वादियां इस स्थान को किसी स्वर्ग से कम नहीं बनातीं।

दक्षिण में केरल का पेरियार नेशनल पार्क

घूमिये केरल स्थित पेरियार नेशनल पार्क, लीजिए जीप सफारी और नौका विहार का आनंद

पेरियार नेशनल पार्कपश्चिमी घाट के सबसे समृद्ध वन क्षेत्रों में से एक है और मॉनसून के दौरान इसकी हरियाली और भी घनी हो जाती है। पार्क के बीचों-बीच स्थित Periyar Lake इसकी सबसे बड़ी पहचान है, जहां बोट सफ़ारी के दौरान हाथियों के झुंड, Gaur, Sambar Deer, Wild Boar और कभी-कभी Bengal Tiger की झलक भी मिल सकती है। यह पार्क 300 से अधिक पक्षी प्रजातियों का घर है और यहां बांस राफ्टिंग, नेचर वॉक, जंगल ट्रेक तथा इको-टूरिज़्म एक्टिविटीज पर्यटकों को प्रकृति के बेहद करीब ले जाती हैं। मॉनसून में झील के आसपास का शांत वातावरण और घने जंगल इसे यादगार एक्सपीरियंस बनाते हैं।

मध्य प्रदेश में बांधवगढ़ नेशनल पार्क

बांधवगढ़ नेशनल पार्क में अद्भुत शेष शैय्या, 65 फ़ीट लंबी शयन मुद्रा में है विष्णु मूर्ति - नियो पॉलिटिको

बेहद सुंदर हैं Madhya Pradesh के ये 2 नेशनल पार्क, दूर-दूर से इन्हें देखने आते हैं Tourist

बांधवगढ़ नेशनल पार्क भारत के सबसे प्रसिद्ध टाइगर रिज़र्वों में से एक है और यहां बाघों की अच्छी-खासी आबादी पाई जाती है। घने साल के जंगल, बांस के वन, घास के मैदान और प्राचीन Bandhavgarh Fort इस पार्क की ऐतिहासिक और प्राकृतिक पहचान हैं। यहां Bengal Tiger के अलावा Leopard, Sloth Bear, Jackal, Chital और Sambar Deer जैसे वन्यजीव बड़ी संख्या में पाए जाते हैं। मॉनसून के दौरान पर्यटन क्षेत्र सामान्यतः कुछ समय के लिए बंद रहते हैं, लेकिन बारिश के बाद जंगल की ताज़गी, हरियाली और प्राकृतिक सुंदरता देखते ही बनती है।

कर्नाटक का अगुम्बे रेनफ़ॉरेस्ट

दक्षिण का चेरापूंजी कहलाता है कर्नाटक का यह गांव, बारिश, झरनों और हरियाली का ऐसा नजारा मानसून में स्वर्ग जैसा लगता है - News18 हिंदी

अगुम्बे रेनफ़ॉरेस्ट को “दक्षिण भारत का चेरापूंजी” कहा जाता है क्योंकि यहाँ देश में सबसे ज्यादा वर्षा वाले क्षेत्रों में से एक है। Western Ghats का हिस्सा होने के कारण यह जैव विविधता से भरपूर वर्षावन है। मॉनसून के दौरान यहां ऊंचे-ऊंचे झरने, घने जंगल, बादलों से ढकी पहाड़ियां और हरियाली मन मोह लेती है। यह क्षेत्र King Cobra के संरक्षण और अध्ययन के लिए विश्वभर में प्रसिद्ध है। इसके अलावा Lion-tailed Macaque, Malabar Giant Squirrel, Malabar Pit Viper तथा अनेक दुर्लभ पक्षी, मेंढक और तितलियों की प्रजातियां भी यहां पाई जाती हैं। ट्रेकिंग, बर्ड वॉचिंग, प्रकृति अध्ययन और वाइल्डलाइफ़ फोटोग्राफी के शौकीनों के लिए अगुम्बे मॉनसून के दौरान एक आइडियल डेस्टिनेशन माना जाता है।

महाराष्ट्र का संजय गांधी नेशनल पार्क

610+ Sanjay Gandhi National Park Stock Photos, Pictures & Royalty-Free Images - iStock | Mumbai, Delhi india, Jaipur

देश के सबसे अनोखे नेशनल पार्क में गिना जाने वाला यह पार्क महानगर मुंबई के बीचों-बीच स्थित है। लगभग 104 वर्ग किलोमीटर में फैला यह नेशनल पार्क मॉनसून के दौरान घने जंगलों, हरे-भरे पहाड़ी रास्तों, झरनों और समृद्ध जैव विविधता के कारण प्रकृति प्रेमियों का पसंदीदा टूरिस्ट डेस्टिनेशन बन जाता है। यहाँ Leopard, Spotted Deer, Sambar Deer, Rhesus Macaque और अनेक पक्षियों एवं तितलियों की प्रजातियां पाई जाती हैं। पार्क के भीतर स्थित लगभग 2,000 वर्ष पुरानी Kanheri Caves इसकी ऐतिहासिक और सांस्कृतिक पहचान को और भी खास बनाती हैं। मॉनसून में यहां की हरियाली, छोटी-छोटी जलधाराएं, नेचर ट्रेल, साइक्लिंग मार्ग और वन्यजीवों की एक्टिविटीज टूरिस्ट को शहर की भागदौड़ से दूर प्रकृति के बीच सुकून का एक्सपीरियंस कराती हैं।

मॉनसून सफ़ारी यह साबित करती है कि बारिश का मौसम वन्यजीवन के रोमांच को कम नहीं करता, बल्कि प्रकृति को और भी जीवंत बना देता है। हरे-भरे जंगल, कल-कल बहते झरने, धुंध से ढकी पहाड़ियां और वन्यजीवों की अनोखी एक्टिविटीज इस मौसम को खास बनाती हैं। यदि आप प्रकृति की असली खूबसूरती और जैव विविधता को करीब से महसूस करना चाहते हैं, तो मॉनसून में इन राष्ट्रीय उद्यानों की यात्रा एक यादगार अनुभव साबित हो सकती है। बस यात्रा से पहले पार्क के नियमों और मौसम की जानकारी जरूर ले, ताकि आपका सफर सेफ रहे।

घूमिये जरा हटके! वायरल होने से पहले घूम आए भारत के 5 अनदेखे कोने, जहां प्रकृति करती है बातें

भारत में कुछ ऐसी शानदार जगहें भी हैं जो अभी तक सोशल मीडिया की भीड़ से दूर हैं। यहां आपको नेचुरल ब्यूटी, शांति, स्थानीय संस्कृति और अनोखे एक्सपीरियंस मिलेंगे, लेकिन टूरिस्ट की भीड़ कम मिलेगी। अगर आप ऑफबीट ट्रैवल पसंद करते हैं, तो ये 7 जगहें आपकी ट्रैवल बकेट लिस्ट में जरूर होनी चाहिए:

1. Mechuka (अरुणाचल प्रदेश)– बादलों और पहाड़ों के बीच बसा स्वर्ग

Waterfalls, Hills & Lakes: Top Tourist Places In Yercaud Hill Station in Tamil Nadu 2024

अरुणाचल प्रदेश के पश्चिमी हिस्से में स्थित मेचुका समुद्र तल से लगभग 6,000 फीट की ऊंचाई पर बसा एक खूबसूरत घाटी क्षेत्र है। चारों ओर बर्फ से ढकी पहाड़ियां, हरे-भरे घास के मैदान और बहती सियॉम नदी इस जगह को किसी विदेशी डेस्टिनेशन जैसा बनाते हैं।

यहां की सबसे खास बात यह है कि अभी भी यह जगह बड़े पैमाने पर टूरिस्ट से अछूती है। आप यहां ट्रेकिंग, स्थानीय जनजातीय संस्कृति को जानने और शांत वातावरण का आनंद ले सकते हैं। सूर्योदय और सूर्यास्त के समय घाटी का दृश्य बेहद मनमोहक दिखाई देता है। 2 दिन ट्रिप के लिए दिल्ली से Dibrugarh या Guwahati के लिए फ्लाइट लें। वहां से Aalo तक सड़क मार्ग और फिर टैक्सी से मेचुका पहुंचा जा सकता है।

2. Mawlynnong (मेघालय)– एशिया का सबसे स्वच्छ गांव

Discover Shillong – Best Attractions, Food, Stays & Things to Do

मेघालय का मावलिन्नोंग अपनी साफ-सफाई और प्राकृतिक सुंदरता के लिए जाना जाता है। इस गांव को कई बार एशिया के सबसे स्वच्छ गांवों में गिना गया है। यहां की हर सड़क, हर घर और हर बगीचा बेहद व्यवस्थित दिखाई देता है।

बांस से बने स्काई वॉक से आप आसपास के जंगलों और बांग्लादेश के मैदानों का शानदार नजारा देख सकते हैं। इसके अलावा पास के जीवित जड़ों से बने पुल (लिविंग रूट ब्रिज) प्रकृति और मानव कौशल का अद्भुत उदाहरण हैं। 1 दिन वाली इस ट्रिप के लिए दिल्ली से Shillong या Guwahati तक फ्लाइट लें। शिलॉन्ग से मावलिन्नोंग लगभग 3 घंटे की टैक्सी राइड पर है।

3. Gandikota (गंडिकोटा)- आंध्र प्रदेश का शानदार और एडवेंचरस नज़ारा

File:Gandikota Canyon.jpg - Wikimedia Commons

गंडिकोटा भारत के खूबसूरत यात्रा स्थल में से एक है जिसे “ग्रैंड कैन्यन” भी कहा जाता है। यह स्थान पेन्ना नदी के किनारे स्थित गहरी घाटियों और लाल चट्टानों के लिए जाना जाता है। यहां बना प्राचीन किला इतिहास की झलक दिखाता है और सूर्योदय-सूर्यास्त का दृश्य बेहद मनमोहक होता है। गंडिकोटा पहुंचने के लिए सबसे नज़दीकी रेलवे स्टेशन कडप्पा है, जहां से यह लगभग 90–100 किलोमीटर दूर है और आगे टैक्सी या बस से पहुंचा जा सकता है।

4. Lakir Valley (लैकीर वैली)- लद्दाख के ट्रेकिंग रूट्स

nubra-valley-46 - Vargis Khan

यह लद्दाख की एक शांत और बेहद खूबसूरत घाटी है, जहां ऊंचे पहाड़, खुला नीला आसमान और ट्रैकिंग के शानदार रास्ते मिलते हैं। यह जगह भीड़-भाड़ से दूर होने के कारण नेचर लवर्स और एडवेंचर पसंद करने वालों के लिए एक परफेक्ट डेस्टिनेशन मानी जाती है। लैकीर वैली पहुंचने के लिए आपको सबसे पहले दिल्ली से लेह जाना होगा, जो हवाई मार्ग से सबसे आसान तरीका है। लेह एयरपोर्ट पहुंचने के बाद वहां से टैक्सी या लोकल कैब लेकर लगभग 1–2 घंटे में लिकिर क्षेत्र और आसपास की घाटी तक पहुंचा जा सकता है।

5. Gokarna (कर्नाटक)– गोवा जैसा एक्सपीरियंस, लेकिन कम भीड़

1,200+ Gokarna Stock Photos, Pictures & Royalty-Free Images - iStock | Gokarna beach

गोकर्ण को अक्सर गोवा का शांत विकल्प कहा जाता है। यहां के समुद्र तट साफ-सुथरे, शांत और थोड़े कम भीड़ वाले हैं। ओम बीच, हाफ मून बीच और पैराडाइज बीच जैसे तट नेचुरल ब्यूटी से भरपूर हैं।

यहां आप समुद्र किनारे आराम कर सकते हैं, बीच ट्रेकिंग कर सकते हैं और लोकल कर्नाटक संस्कृति को करीब से महसूस कर सकते हैं। जो लोग भीड़भाड़ से दूर समुद्री छुट्टियां बिताना चाहते हैं, उनके लिए यह शानदार ऑप्शन है। लगभग 6–8 घंटे (फ्लाइट + रोड) ट्रिप के लिए दिल्ली से Goa या Hubballi तक फ्लाइट लें। वहां से टैक्सी या ट्रेन द्वारा गोकर्ण पहुंचा जा सकता है।

6. Mandu (मध्य प्रदेश)– इतिहास और प्रेम कहानियों का शहर

Here's why Madhya Pradesh's Mandu is an architectural marvel | TimesTravel

मध्य प्रदेश का मांडू अपने प्राचीन किलों, महलों और रोमांटिक इतिहास के लिए जाना जाता है। यह जगह Baz Bahadur और Rani Roopmati की प्रेम कहानी से भी जुड़ी हुई है।

मानसून के दौरान मांडू की सुंदरता कई गुना बढ़ जाती है। बादलों से घिरे महल और हरियाली से ढके खंडहर इसे बेहद आकर्षक बनाते हैं। इतिहास प्रेमियों के लिए यह किसी खजाने से कम नहीं है। इंदौर से लगभग 100 किमी दिल्ली से Indore तक फ्लाइट या ट्रेन लें। इंदौर से मांडू लगभग 2–3 घंटे की सड़क यात्रा पर है।

7. Yercaud (तमिलनाडु)– दक्षिण भारत का शांत हिल स्टेशन

Yercaud's winding mountain road features motorcycles traversing multiple hairpin curves through green and dry terrain. Static aerial view captures the serpentine asphalt road from directly overhead.

तमिलनाडु का यरकौड नीलगिरि और ऊटी जैसे पॉपुलर हिल स्टेशनों की तुलना में कम चर्चित है, लेकिन इसकी सुंदरता किसी भी तरह कम नहीं है। कॉफी के बागान, झीलें और ठंडा मौसम इसे बेहद खास बनाते हैं।

यहां आप ट्रेकिंग, बोटिंग और प्रकृति की गोद में समय बिता सकते हैं। शांत वातावरण और कम भीड़ इसे परिवारों और कपल्स के लिए आइडियल डेस्टिनेशन बनाती है। लगभग 5–7 घंटे (फ्लाइट + रोड) ट्रिप के लिए दिल्ली से Salem या Chennai के लिए फ्लाइट लें। सलेम से यरकौड लगभग 30 किमी दूर है और टैक्सी आसानी से मिल जाती है।

क्यों हैं ये जगहें खास?

इन सभी जगहों की सबसे बड़ी खासियत यह है कि यहां आपको भीड़भाड़ वाले टूरिस्ट डेस्टिनेशन से ज्यादा शांति, स्थानीय संस्कृति और प्राकृतिक सुंदरता का एक्सपीरियंस मिलता है। ये स्थान अभी भी बड़े पैमाने पर सोशल मीडिया ट्रेंड्स से दूर हैं, इसलिए यहां का माहौल ज्यादा सुकून भरा महसूस होता है।

अगर आप ऐसी जगहों की तलाश में हैं जहां नेचर, संस्कृति और शांति का अनोखा मेल मिले, तो ये 7 छिपे हुए भारतीय डेस्टिनेशन आपके लिए बेहतरीन ऑप्शन हो सकते हैं। अगली बार छुट्टियों की योजना बनाते समय सिर्फ पॉपुलर डेस्टिनेशन ही नहीं, बल्कि इन अनदेखी जगहों को भी अपनी लिस्ट में शामिल करें। हो सकता है आपकी सबसे यादगार ट्रिप किसी ऐसी जगह पर हो, जिसके बारे में आपने सोशल मीडिया पर बहुत कम सुना हो।