Q2 Results: ज्वेलरी कंपनी का घाटा 94% कम हुआ, शेयरों पर रहेगी नजर

BlueStone Q2 Results: ज्वेलरी कंपनी BlueStone Jewellery and Lifestyle Ltd का सितंबर तिमाही में घाटा घटकर ₹3.2 करोड़ रह गया। पिछले साल इसी तिमाही में कंपनी को ₹52 करोड़ का घाटा हुआ था। यानी घाटा करीब 94% कम हुआ। वहीं, रेवेन्यू सालाना आधार पर 45% बढ़कर ₹745 करोड़ पहुंच गया।

ब्लूस्टोन का EBITDA भी ₹42 करोड़ से बढ़कर ₹95 करोड़ हो गया। वहीं, EBITDA मार्जिन 8.1% से बढ़कर 12.7% पहुंच गया। वित्त वर्ष 2026-27 की पहली छमाही में कंपनी का रेवेन्यू 46.3% बढ़कर ₹1,471 करोड़ रहा।

10 लाख से ज्यादा ग्राहक जुड़े

BlueStone का ग्राहक आधार सितंबर के अंत तक 10.24 लाख से ज्यादा हो गया। इसमें सालाना आधार पर 19.3% की बढ़ोतरी हुई। सितंबर तिमाही के रेवेन्यू में 56.3% हिस्सेदारी उन ग्राहकों की रही, जिन्होंने दोबारा खरीदारी की। पिछले साल यह आंकड़ा 51.4% था।

कंपनी के मुताबिक, उसकी 80% से ज्यादा बिक्री ऑनलाइन होती है। कारोबार का लगभग पूरा हिस्सा नॉन-वेडिंग ज्वेलरी से आता है। पहली छमाही में कंपनी की सेम-स्टोर सेल्स ग्रोथ 32.9% रही।

146 शहरों में 379 स्टोर

सितंबर 2026 तक कंपनी के 146 शहरों में 379 स्टोर थे। एक साल में 68 स्टोर जुड़े और 19 नए शहरों में कारोबार शुरू हुआ। दूसरी तिमाही में कंपनी ने सात नए शहरों में एंट्री की। ये सभी टियर-2 और टियर-3 शहर हैं। कोलकाता की पार्क स्ट्रीट पर नया फ्लैगशिप स्टोर भी खोला गया।

₹300 करोड़ जुटाएगी कंपनी

ब्लूस्टोन के बोर्ड ने प्राइवेट प्लेसमेंट के जरिए ₹300 करोड़ तक के नॉन-कन्वर्टिबल डिबेंचर (NCD) जारी करने को मंजूरी दी है। इस रकम का इस्तेमाल मौजूदा कर्ज के एक हिस्से को चुकाने और कारोबार की जरूरतों को पूरा करने में होगा।

BlueStone का शेयर गुरुवार को BSE पर 2.63% चढ़कर ₹759.30 पर बंद हुआ।

Sagility Q2 Results: मुनाफा 13% बढ़ा, रेवेन्यू में भी उछाल; डिविडेंड का ऐलान

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

Stocks to Watch: 23 अक्टूबर को फोकस में रहेंगे ये 13 स्टॉक्स, स्विगी से कोलगेट तक शामिल

Stocks to Watch: शुक्रवार, 23 अक्टूबर को कई कंपनियों ने दूसरी तिमाही के नतीजे जारी किए। कुछ कंपनियों का मुनाफा बढ़ा, तो कुछ के घाटे में कमी आई। वहीं, कुछ कंपनियों के कारोबार में गिरावट भी दिखी। शुक्रवार को Swiggy, HPCL, Colgate-Palmolive India और Reliance Industries समेत कई शेयरों पर निवेशकों की नजर रह सकती है।

Jindal Stainless

स्टेनलेस स्टील बनाने वाली कंपनी Jindal Stainless का दूसरी तिमाही में मुनाफा सालाना आधार पर 11.1% बढ़कर ₹898 करोड़ हो गया। पिछले साल इसी तिमाही में कंपनी ने ₹808 करोड़ का मुनाफा दर्ज किया था। कंपनी की आय भी 18.2% बढ़कर ₹12,874 करोड़ पहुंच गई। पिछले साल यह ₹10,893 करोड़ थी।

Swiggy

ऑनलाइन फूड डिलीवरी और क्विक कॉमर्स कंपनी Swiggy का दूसरी तिमाही में नेट लॉस घटकर ₹922 करोड़ रह गया। पिछले साल के मुकाबले कंपनी की इनकम 54.4% बढ़कर ₹5,561 करोड़ हो गई। वहीं, EBITDA लॉस भी ₹798 करोड़ से घटकर ₹770 करोड़ रह गया।

HPCL

सरकारी तेल कंपनी Hindustan Petroleum Corporation Ltd (HPCL) ने दूसरी तिमाही में ₹3,482.6 करोड़ का मुनाफा दर्ज किया। पिछली तिमाही में कंपनी को ₹11,526 करोड़ का घाटा हुआ था। हालांकि, इस दौरान कंपनी की आय तिमाही आधार पर 4.3% घटकर करीब ₹1.3 लाख करोड़ रह गई।

Sagility

हेल्थकेयर टेक्नोलॉजी कंपनी Sagility का सितंबर तिमाही में मुनाफा सालाना आधार पर 13.1% बढ़कर ₹284 करोड़ हो गया, जबकि रेवेन्यू 22.6% बढ़कर ₹2,032 करोड़ पहुंच गया। EBITDA भी 23.4% बढ़कर ₹512 करोड़ रहा। हालांकि EBITDA मार्जिन 25% पर स्थिर रहा। कंपनी ने डिविडेंड का भी ऐलान किया है।

CreditAccess Grameen

माइक्रोफाइनेंस कंपनी CreditAccess Grameen का सितंबर तिमाही में मुनाफा सालाना आधार पर 298.7% बढ़कर ₹502 करोड़ हो गया। कंपनी की नेट इंटरेस्ट इनकम 31.3% बढ़कर ₹1,351 करोड़ रही। AUM 19.5% बढ़कर ₹30,946 करोड़ पहुंच गया।

Colgate-Palmolive India

ओरल केयर प्रोडक्ट बनाने वाली कंपनी Colgate-Palmolive India का दूसरी तिमाही में मुनाफा सालाना आधार पर 4.1% बढ़कर ₹341.5 करोड़ हो गया। पिछले साल यह ₹328 करोड़ था। कंपनी की आय 12.2% बढ़कर ₹1,705.7 करोड़ रही। वहीं, EBITDA 1.9% बढ़कर ₹474 करोड़ पहुंच गया।

CIE Automotive India

ऑटो कंपोनेंट बनाने वाली कंपनी CIE Automotive India की सितंबर तिमाही में आय सालाना आधार पर 11% बढ़कर ₹2,633 करोड़ हो गई। पिछले साल यह ₹2,372 करोड़ थी। कंपनी का मुनाफा 14% बढ़कर ₹244 करोड़ रहा। हालांकि, EBITDA मार्जिन 15% से घटकर 14.2% पर आ गया।

Adani Total Gas

अदाणी ग्रुप की कंपनी Adani Total Gas का दूसरी तिमाही में मुनाफा सालाना आधार पर 3.2% बढ़कर ₹167 करोड़ हो गया। पिछले साल कंपनी ने ₹162 करोड़ का मुनाफा दर्ज किया था। वहीं, ऑपरेशन से आय 34.1% बढ़कर ₹1,936 करोड़ पहुंच गई।

Cyient

इंजीनियरिंग और टेक्नोलॉजी सर्विसेज देने वाली कंपनी Cyient का रेवेन्यू पिछली तिमाही के ₹2,075.7 करोड़ से 7.7% बढ़कर ₹2,235 करोड़ हो गया। कंपनी का मुनाफा भी ₹108.7 करोड़ से बढ़कर ₹132.5 करोड़ पहुंच गया।

eMudhra

डिजिटल सिग्नेचर और साइबर सिक्योरिटी सॉल्यूशंस देने वाली कंपनी eMudhra ने ग्लोबल SSL/TLS सर्टिफिकेट बिजनेस से बाहर निकलने का फैसला किया है। कंपनी ने बढ़ती अनुपालन जरूरतों, लागत में इजाफे और कारोबार की संभावनाएं घटने को इसकी वजह बताया। इस कारोबार का कंपनी के वैश्विक रेवेन्यू में करीब 1% योगदान है।

Rallis India

टाटा ग्रुप का एग्रीकेमिकल सेक्टर की कंपनी Rallis India का दूसरी तिमाही में मुनाफा ₹102 करोड़ से घटकर ₹85 करोड़ रह गया। कंपनी के रेवेन्यू में भी मामूली गिरावट आई। यह पिछले साल के ₹861 करोड़ से कम होकर ₹858 करोड़ पर आ गया।

Orient Cement

सीमेंट कंपनी Orient Cement का सितंबर तिमाही में मुनाफा सालाना आधार पर 35% घटकर ₹32 करोड़ रह गया। पिछले साल इसी तिमाही में कंपनी ने ₹49 करोड़ का मुनाफा दर्ज किया था। रेवेन्यू 12% गिरकर ₹565 करोड़ रहा, जबकि EBITDA 54.5% घटकर ₹75 करोड़ पर आ गया। EBITDA मार्जिन भी 25.7% से घटकर 13.3% रह गया।

Hatsun Agro

डेयरी प्रोडक्ट बनाने वाली कंपनी Hatsun Agro का दूसरी तिमाही में मुनाफा बढ़कर ₹116 करोड़ हो गया। पिछले साल इसी तिमाही में यह ₹110 करोड़ था। कंपनी की आय भी ₹2,428 करोड़ से बढ़कर ₹2,898 करोड़ पहुंच गई।

Sagility Q2 Results: मुनाफा 13% बढ़ा, रेवेन्यू में भी उछाल; डिविडेंड का ऐलान

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

Sagility Q2 Results: मुनाफा 13% बढ़ा, रेवेन्यू में भी उछाल; डिविडेंड का ऐलान

Sagility Q2 Results: हेल्थकेयर टेक्नोलॉजी सर्विसेज देने वाली कंपनी Sagility Ltd ने सितंबर तिमाही के नतीजे जारी कर दिए हैं। कंपनी का मुनाफा सालाना आधार पर 13.1% बढ़कर ₹284 करोड़ हो गया। पिछले साल इसी तिमाही में मुनाफा ₹251 करोड़ था।

कंपनी का रेवेन्यू भी 22.6% की बढ़त के साथ ₹2,032 करोड़ पर पहुंच गया। पिछले साल रेवेन्यू ₹1,658 करोड़ था। वहीं, EBITDA 23.4% बढ़कर ₹512 करोड़ हो गया। हालांकि, EBITDA मार्जिन में कोई बदलाव नहीं हुआ। यह 25% पर बना रहा।

कंपनी की ऑर्गेनिक रेवेन्यू ग्रोथ 22.2% रही। कॉन्स्टेंट करेंसी के हिसाब से यह ग्रोथ 11.9% थी। वहीं, एडजस्टेड EBITDA 23% बढ़कर ₹535.3 करोड़ रहा।

पहली छमाही में भी अच्छी ग्रोथ

वित्त वर्ष 2026-27 की पहली छमाही में कंपनी का रेवेन्यू 25% बढ़कर ₹3,995.6 करोड़ हो गया। इस दौरान एडजस्टेड EBITDA 25.2% बढ़कर ₹1,006.9 करोड़ रहा। वहीं, एडजस्टेड मुनाफा 18.9% बढ़कर ₹595.1 करोड़ पहुंच गया।

नए क्लाइंट जुड़े, AI पर फोकस

Sagility ने सितंबर तिमाही में 31 मौजूदा क्लाइंट और एक नए क्लाइंट से 40.2 मिलियन डॉलर का सालाना कॉन्ट्रैक्ट हासिल किया। पहली छमाही में 28 क्लाइंट ग्रुप जुड़े। इसके साथ ही कंपनी के एक्टिव क्लाइंट ग्रुप की संख्या 105 हो गई। सितंबर तिमाही के अंत में कंपनी में 51,486 कर्मचारी थे। कंपनी पांच देशों में काम करती है और उसके 28 डिलीवरी सेंटर हैं।

कंपनी के MD और ग्रुप CEO रमेश गोपालन ने कहा कि उसके AI सॉल्यूशंस की मांग बढ़ रही है। कंपनी हेल्थकेयर सेवाओं में अपनी क्षमता बढ़ाने पर भी काम कर रही है।

शेयरहोल्डर्स को मिलेगा डिविडेंड

Sagility ने शेयरहोल्डर्स के लिए अंतरिम डिविडेंड का ऐलान किया है। कंपनी हर ₹10 फेस वैल्यू वाले शेयर पर ₹0.15 का डिविडेंड देगी। इसके लिए रिकॉर्ड डेट 30 अक्टूबर 2026 तय की गई है। कंपनी 21 नवंबर 2026 तक इसका भुगतान कर देगी। पिछले अंतरिम डिविडेंड में यह रकम ₹0.05 प्रति शेयर थी।

Sagility का शेयर गुरुवार को BSE पर 2.55% चढ़कर ₹45.45 पर बंद हुआ।

ओला इलेक्ट्रिक का राइट्स इश्यू खुला, मोतीलाल ओसवाल ने दिखाई पूरी दिलचस्पी; 30 अक्टूबर तक कर सकेंगे अप्लाई

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।