फाइनल की हार से टूट चुके थे मेस्सी, नहीं कर पाए करियर का परिकथा अंत

शायद दुनिया के महानतम फुटबॉलर और इस खेल के जादूगर ने 20 जुलाई की रात को ही तय कर लिया था कि बस अब बहुत हुआ अब मैदान से विदाई ले लेने में ही भलाई है। 20 जुलाई की रात को उनके आंखो में आसूं थे क्योंकि वह लगातार अर्जेंटीना को विश्वकप नहीं जिता पाए थे और ना ही अपने करियर का परिकथा अंत कर पाए थे।

FIFA World Cup का टूर्नामेंट जिस हिसाब से जा रहा था ऐसा लग रहा था कि लियोनेल मेस्सी के करियर का परिकथा अंत होगा। लेकिन उनके हाथ ना ही खिताब लगा और ना ही पैर पर गोल्डन बूट लगा। मेस्सी के लिए बस एक बात अच्छी रही कि  वह पिछले साल विजेता टीम का हिस्सा थे अन्यथा इस महान फुटबॉलर को बिना किसी वैश्विक खिताब के रवाना होना पड़ता।

आखिरी सीटी बजने पर उनकी आंखों में नमी और चेहरे पर निराशा को सभी ने देखा। एक तरफ स्पेन के खिलाड़ी जश्न मना रहे थे तो दूसरी तरफ मेस्सी और उनकी टीम स्टेडियम के दक्षिणी छोर पर अर्जेंटीना के समर्थकों को धन्यवाद दे रही थी और शायद माफी भी मांग रही थी।

बार्सीलोना और पेरिस सेंट जर्मेन के साथ 12 लीग और चार चैम्पियंस लीग खिताब जीतने के बाद मेस्सी ने जब यूरोपीय फुटबॉल से विदा लेकर तीन साल पहले एमएलएस का रूख किया तो लोगों को लगा कि वह रिटायर होकर अमेरिका में बस जायेंगे ।

लेकिन वह एक बार फिर अर्जेंटीना को विश्व कप फाइनल तक ले गए जिनमें उनके खाते में आठ गोल आये और चार में वह सहायक रहे। विश्व कप में उनके 21 गोल हो गए हैं और शनिवार को तीसरे स्थान के मुकाबले में फ्रांस के कीलियन एमबाप्पे (22 गोल) के आगे निकलने तक वह शीर्ष पर थे। तीन विश्व कप फाइनल खेलने वाले पहले खिलाड़ी मेस्सी के 125 अंतरराष्ट्रीय गोल हैं और वह सिर्फ क्रिस्टियानो रोनाल्डो (146) से पीछे हैं।

स्पेन के खिलाड़ी आखिरी सीटी बजने के बाद मेस्सी को ढांढस बंधाने आये। मेस्सी मैदान पर बैठ गए और हाथ पीछे रखकर एकटक देखते रहे। उपविजेता का पदक लेने आये तो मुस्कुराने की कोशिश की लेकिन नाकाम रहे।फिर अपने विचारों में खोये हुए, दुख को छिपाने की कोशिश करते मैदान के एक कोने से चुपचाप बाहर चले गए। विश्व कप से आखिरी बार।इस मैच के लगभग 1.5 महीने बाद लियोनेल मेस्सी ने जूता टांग दिया।

927 गोलों पर रुका मेस्सी का करियर, नहीं तोड़ पाए रोनाल्डो का यह रिकॉर्ड

फुटबॉल के ‘बेताज बादशाह’ लियोनेल मेसी ने अपने करियर में 1,171 मैचों में 927 गोल करने के बाद अंतर्राष्ट्रीय फुटबॉल को अलविदा कहा है। मेसी ने अपने आखिरी मैच में चार गोल करके इंटर मियामी को शनिवार को मेहमान टीम सीएफ मॉन्ट्रियल पर रिकॉर्ड 7-1 से जीत दिलाई। मियामी के लिए मेसी के चार गोल के शानदार प्रदर्शन से उनके करियर के गोल की संख्या 1,171 मैचों में 927 हो गई है।

लगभग दो दशकों से, पुर्तगाल के क्रिस्टियानो रोनाल्डो और लियोनेल मेसी फुटबॉल की सबसे बड़ी व्यक्तिगत प्रतिद्वंद्विताओं में से एक में शामिल रहे हैं। उन्होंने बैलन डी’ओर, चैंपियंस लीग रिकॉर्ड, लीग खिताब और गोल करने के मील के पत्थर के लिए प्रतिस्पर्धा की है, और लगातार एक-दूसरे को असाधारण स्तर तक आगे बढ़ाया है। लेकिन संन्यास के बाद लियोनेल मेसी 1,000 करियर गोल की दौड़ में क्रिस्टियानो रोनाल्डो से पीछे रह गए हैं

शनिवार को मॉन्ट्रियल के खिलाफ इंटर मियामी की 7-1 से शानदार जीत में मेसी के चार गोल के प्रदर्शन ने उन्हें 1,171 मैचों में 927 करियर गोल तक पहुंचा दिया।इस बीच, रोनाल्डो 1000 गोल के मील के पत्थर के बहुत करीब हैं। पुर्तगाली सुपरस्टार ने 1,333 मैचों में 978 गोल किए हैं, जिससे वे 1,000 गोल से सिर्फ़ 22 गोल दूर हैं।

हालांकि, रोनाल्डो ने बार-बार साबित किया है कि उम्र उनके लिए कोई रुकावट नहीं है। 41 साल की उम्र में भी वे लगातार गोल कर रहे हैं। उन्होंने अपनी बेहतरीन फिटनेस और टॉप पर बने रहने की बेमिसाल चाहत के दम पर अपना करियर बनाया है। पुर्तगाली खिलाड़ी ने मेसी के मुकाबले करियर में 51 गोल ज़्यादा किए हैं।

अंतरराष्ट्रीय गोलो में मेस्सी से आगे रोनाल्डो

 

लियोनेल मेसी ने अपने करियर में 207 इंटरनेशनल मैचों में 125 गोल किए हैं, जिससे वे अर्जेंटीना के लिए अब तक के सबसे ज्यादा गोल करने वाले खिलाड़ी बन गए हैं। इंटरनेशनल फुटबॉल में सबसे ज्यादा गोल करने वालों की लिस्ट में भी मेसी दूसरे नंबर पर हैं, उनसे आगे सिर्फ उनके प्रतिद्वंद्वी क्रिस्टियानो रोनाल्डो हैं।

मेसी का भावुक विदाई संदेश : ‘मेरे पास देने के लिए अब कुछ नहीं बचा’ 

एक दिल तोड़ने वाले संदेश के ज़रिए, लियोनेल मेसी ने अर्जेंटीना की नेशनल टीम से रिटायर होने का अपना पक्का फ़ैसला सार्वजनिक किया। ऐतिहासिक कप्तान ने माना कि यह फ़ैसला उनकी आत्मा को गहरी चोट पहुँचाता है, लेकिन उन्होंने कहा कि उन्होंने दो दशकों तक इस जर्सी के लिए अपना सब कुछ दिया।

मेसी ने अपने संदेश में कहा, “मैंने अपना सब कुछ दिया, मेरे पास देने के लिए अब कुछ नहीं बचा।” रोसारियो में जन्मे इस स्टार ने अपने बयान में बताया कि अब पीछे हटने और नई पीढ़ी के लिए जगह बनाने का समय आ गया है। उन्होंने अपने परिवार, कोच, टीम के साथियों और फ़ैन्स का उन्हें मिले प्यार के लिए दिल से शुक्रिया अदा किया और भरोसा दिलाया कि अब वह स्टैंड्स से किसी भी दूसरे सपोर्टर की तरह टीम का हौसला बढ़ाएंगे।

सोचा-समझा और पक्का किया गया फ़ैसला : मेसी ने बताया कि उन्होंने ये शब्द 21 जुलाई को, विश्व कप फ़ाइनल खेलने के दो दिन बाद लिखे थे। उन्होंने यह भी बताया कि हाल की पारिवारिक घटनाओं ने ‘एल्बिसेलेस्टे’ (अर्जेंटीना टीम) के साथ इस शानदार दौर को खत्म करने के उनके फ़ैसले को और मज़बूत किया।

फुटबॉल के जादूगर लियोनेल मेसी ने कहा अंतरराष्ट्रीय करियर को अलविदा

argentina messi magic

फुटबॉल के जादूगर लियोनेल मेसी ने 207 कैप जीतने के बाद अर्जेंटीना ड्यूटी से अपनी सेवानिवृत्ति की घोषणा की है। 2005 में अर्जेंटीना में पदार्पण करने वाले 39 वर्षीय खिलाड़ी ने 2022 में विश्व कप जीता और इस गर्मी और 2014 में उपविजेता रहे। उन्होंने दो कोपा अमेरिका खिताब भी हासिल किए।

मेसी ने एक बयान में लिखा: “यह एक ऐसा निर्णय था जिसने दुख पहुंचाया – और अभी भी अंदर तक दर्द पहुंचाता है – लेकिन मैं समझता हूं कि समय आ गया है। मैं आपसे कसम खाता हूं कि मैंने हमेशा अपना सब कुछ दिया – न केवल इन पिछले कुछ वर्षों में जब हमने सब कुछ जीता, बल्कि उससे पहले भी; मैंने हमेशा इस जर्सी के लिए मैदान पर संघर्ष किया और सब कुछ छोड़ दिया, ताकि आपको खुशी मिल सके और फुटबॉल के माध्यम से आपको अर्जेंटीना होने पर गर्व महसूस हो सके।”

उन्होंने कहा, “समय कम होता जा रहा है, अध्याय ख़त्म होने वाले हैं, और यह वह बात है जिसने मुझे बहुत आहत किया है। मैं राष्ट्रीय टीम का हिस्सा बनना पसंद करता हूं, प्यार करता हूं और हमेशा पसंद करूंगा। मेरे पास जो कुछ भी था, मैंने दे दिया है; मेरे पास देने के लिए कुछ भी नहीं बचा है, और इसके अलावा, कुछ महान युवा खिलाड़ी भी आ रहे हैं जो यहां आने के योग्य हैं।”

मेसी ने कहा कि उन्होंने विश्व कप फाइनल के दो दिन बाद 21 जुलाई को अपना सेवानिवृत्ति वक्तव्य लिखा था, और पिछले महीने उनके पिता जॉर्ज की मृत्यु ने पुष्टि की थी कि इसे प्रकाशित करने और अपने अंतरराष्ट्रीय करियर को समाप्त करने का यह सही समय था।

मेसी ने अपने पिता की मृत्यु के बाद एक बयान लिखा था जिसमें कहा गया था कि उन्हें इस बारे में “काफी संदेह” था कि क्या वह “बहुत लंबे समय तक” खेलते रहेंगे। उन्होंने तब खुलासा किया कि स्पेन के हाथों अर्जेंटीना की विश्व कप फाइनल हार में उन्हें किस हद तक संघर्ष करना पड़ा था। उन्होंने लिखा, ”मेरे पैर अब और नहीं चल सकते।” “इस बार मैंने खुद को अपनी शारीरिक सीमाओं से परे धकेलने की कोशिश की, लेकिन मैं ऐसा नहीं कर सका।”

मेसी इंटर मियामी के लिए खेलते हैं, जहां उनका अनुबंध 2028 तक चलना था। उन्होंने पिछले शनिवार को पहली बार मेजर लीग सॉकर मैच में चार गोल किए और सीएफ मॉन्ट्रियल को 7-1 से हराने के लिए प्रेरित किया।

Lionel Messi Retirement: लियोनेल मेसी ने इंटरनेशनल फुटबॉल से लिया संन्यास, अब अर्जेंटीना की जर्सी में नहीं आएंगे नजर

Lionel Messi Retirement: दुनिया के महानतम फुटबॉलरों में शुमार लियोनेल मेसी ने इंटरनेशनल फुटबॉल से संन्यास लेने का ऐलान कर दिया है। मेसी ने अर्जेंटीना के लिए अपना आखिरी मैच 2026 फीफा वर्ल्ड कप के फाइनल में खेला, जहां अर्जेंटीना को 1-0 से हार का सामना करना पड़ा।

अपने एक भावुक बयान में मेसी ने कहा कि उन्होंने फाइनल के दो दिन बाद ही रिटायर होने का फैसला कर लिया था और उनके पिता जॉर्ज के गुजर जाने के बाद उन्हें अपने इस फैसले पर और भी ज्यादा यकीन हो गया।

क्लब फुटबॉल के दिग्गज मेसी, 18 साल की उम्र में 17 अगस्त 2005 को हंगरी के खिलाफ एक फ्रेंडली मैच में डेब्यू करने के बाद से ही अर्जेंटीना की पहचान, शान और उम्मीद रहे हैं। उन्होंने कतर में हुए 2022 फीफा वर्ल्ड कप में नेशनल टीम को जीत दिलाई और अपना दूसरा गोल्डन बॉल भी जीता।

मेसी ने 2021 और 2024 में लगातार कोपा अमेरिका चैंपियनशिप जीतीं, साथ ही इटली के खिलाफ 2022 की फाइनलिसीमा ट्रॉफी भी अपने नाम की। उन्होंने 2008 बीजिंग गेम्स में ओलंपिक गोल्ड मेडल और 2005 FIFA U-20 वर्ल्ड कप भी जीता। कुल मिलाकर, 207 मैचों में उन्होंने 125 गोल किए और 65 गोल करने में मदद की।

हालांकि, मेसी इंटर मियामी के लिए खेलना जारी रखेंगे।

रिटायरमेंट पर मेसी का पूरा बयान

“फाइनल के बाद इतना समय बीतने और इस बारे में काफी सोचने के बाद, मैं सभी को बताना चाहता हूं कि मैं नेशनल टीम से रिटायर हो रहा हूं… यह एक ऐसा फैसला था जिससे मुझे बहुत दुख हुआ और अब भी अंदर तक दुख होता है, लेकिन मैं समझता हूं कि यही सही समय है।

“मैं कसम खाता हूं कि मैंने हमेशा अपना सब कुछ दिया, न सिर्फ इन कुछ सालों में जब हमने सब कुछ जीता, बल्कि उससे पहले भी। मैंने हमेशा इस जर्सी के लिए संघर्ष किया और अपना सब कुछ दिया, ताकि आपको खुशी दे सकूं और फुटबॉल के जरिए आपको अर्जेंटीना का होने पर गर्व महसूस करा सकूं।

“अब ज्यादा समय नहीं बचा है, और जिंदगी के अलग-अलग अध्याय खत्म हो रहे हैं। यह एक ऐसा अध्याय है जो मुझे बहुत दुखी करता है। मुझे नेशनल टीम का हिस्सा बने रहना पसंद है, पसंद था और हमेशा पसंद रहेगा। मैंने अपना सब कुछ दे दिया, और अब मेरे पास देने के लिए कुछ और नहीं बचा है।

इसके अलावा, कई बेहतरीन युवा खिलाड़ी भी आ रहे हैं जो यहां होने के हकदार हैं।

“इन 20 सालों में मिले सारे प्यार के लिए शुक्रिया। मुझे मैदान के अंदर से आपकी आवाज सुनना बहुत याद आएगा। अब मैं भी आपमें से ही एक हो जाऊंगा और हमेशा बाहर से आपका साथ दूंगा—चाहे अच्छे पल हों या बुरे, बुरे समय में तो और भी ज्यादा।

“मेरे परिवार का शुक्रिया कि वे हमेशा मेरे साथ रहे और इस खूबसूरत लेकिन मुश्किल सफर में मेरा साथ दिया। उन सभी कोच, टीम के साथियों और डायरेक्टर का भी शुक्रिया जिनके साथ मुझे यह सफर तय करने का मौका मिला। मैं अपने साथ कभी न भूलने वाली यादें और पल लेकर जा रहा हूं। मैं सुकून और गर्व के साथ जा रहा हूं, यह जानते हुए कि मैंने अपनी टीम के साथियों के साथ मिलकर आपको वे पल दिए जिनका हमने कभी सपना देखा था। आप सबके साथ यह सब अनुभव करना अद्भुत था। मैं आप सभी से बहुत प्यार करता हूं!

“मुझे अर्जेंटीना का नागरिक बनाने के लिए भगवान का शुक्रिया। वामोस अर्जेंटीना! मैंने ये शब्द 21 जुलाई को, फाइनल के दो दिन बाद लिखे थे। आज, मेरे पिता के साथ जो हुआ, उसके बाद मुझे अपने इस फैसले पर पहले से कहीं ज्यादा यकीन हो गया है।”

यह भी पढ़ें: Dhoni: धोनी ने मांगी थी CSK में 25 प्रतिशत हिस्सेदारी? सीईओ ने तोड़ी चुप्पी

सालों की अटकलों के बाद आखिरकार रोनाल्डो ने रची जॉर्जिना से शादी

क्रिस्टियानो रोनाल्डो और जॉर्जिना रोड्रिगेज लंबे समय तक प्रेमी और प्रेमिका रहे उनके 2 बच्चे भी हैं। लंबे समय तक साथ रहने के कारण रोनाल्डो और जॉर्जिना के विवाह की अटकलें लगातार इंटरनेट पर छाई रहती है। ऐसे में जब रोनाल्डो में जॉर्जिना के संग विवाह किया तो रिलेशनशिप की फेक न्यूज पर विराम लग गया। इससे पहले साल 2018 में यह खबर सुनी गई थी कि दोनों विश्वकप के बाद विवाह कर लेंगे। लेकिन ऐसा कुछ नहीं हुआ दोनों की सगाई ही पिछले साल हो पाई और इस साल फुटबॉल से संन्यास लेने के बाद रोनाल्डो ने अंतत विवाह रचा लिया।

क्रिस्टियानो रोनाल्डो और जॉर्जिना रोड्रिगेज अब पति-पत्नी हैं।पुर्तगाल के फुटबॉल स्टार का प्रतिनिधित्व करने वाली जनसंपर्क टीम ब्रंसविक ग्रुप ने मंगलवार को रोनाल्डो और जॉर्जिना की शादी की घोषणा करते हुए इसे ‘‘एक निजी और अंतरंग क्षण’’ बताया।ब्रंसविक ग्रुप के अनुसार विवाह समारोह पुर्तगाल की राजधानी लिस्बन के पास पश्चिमी पुर्तगाल के एक तटीय शहर कैस्केस में आयोजित किया गया था, जिसमें उनके पांच बच्चे शामिल थे।इस जोड़े ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर अपनी अंगूठियों की तस्वीर पोस्ट की।

रोनाल्डो और जॉर्जिना की पहली मुलाकात मैड्रिड में हुई थी और वह पिछले 10 साल से साथ में थे।रोनाल्डो 41 साल के हैं और दुनिया के सर्वश्रेष्ठ फुटबॉल खिलाड़ियों में शामिल हैं। वह पांच बार विश्व के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी का खिताब जीत चुके हैं। उन्होंने हाल में पुर्तगाल की तरफ से रिकॉर्ड छठे विश्व कप में भाग लिया था।रोनाल्डो क्लब स्तर पर सऊदी अरब की टीम अल नासर की तरफ से खेलते हैं जो शनिवार से अपने नए सत्र की शुरुआत करेगी।

इंस्टा से करोड़ो कमाते हैं रोनाल्डो

फुटबॉल के दिग्गज क्रिस्टियानो रोनाल्डो (Cristiano Ronaldo) इंस्टाग्राम पर सबसे ज्यादा कमाई करने वाले व्यक्ति हैं, यह फुटबॉल स्टार प्रति इंस्टाग्राम पोस्ट 26.7 करोड़ चार्ज करता है और दूसरे नंबर पर अर्जेंटीना के फुटबॉल खिलाड़ी लियोनेल मेस्सी (Lionel Messi) हैं जो 21.5 करोड़ चार्ज करते हैं।

900 गोल दागने वाले एकमात्र फुटबॉलर रोनाल्डो

साल 2024 में रोनाल्डो ने अपने करियर का 900वां गोल किया और इस बड़ी उपलब्धि के साथ वे  900 या अधिक गोल करने वाले एकमात्र खिलाड़ी बन गए। फिलहाल उनके खाते में 976 गोल हैं।

ना खिताब मिला ना गोल्डन बूट, मेस्सी नहीं कर पाए परिकथा अंत (Video)

argentina messi magic

FIFA World Cup का टूर्नामेंट जिस हिसाब से जा रहा था ऐसा लग रहा था कि लियोनेल मेस्सी के करियर का परिकथा अंत होगा। लेकिन उनके हाथ ना ही खिताब लगा और ना ही पैर पर गोल्डन बूट लगा। मेस्सी के लिए बस एक बात अच्छी रही कि  वह पिछले साल विजेता टीम का हिस्सा थे अन्यथा इस महान फुटबॉलर को बिना किसी वैश्विक खिताब के रवाना होना पड़ता।

आखिरी सीटी बजने पर उनकी आंखों में नमी और चेहरे पर निराशा को सभी ने देखा। एक तरफ स्पेन के खिलाड़ी जश्न मना रहे थे तो दूसरी तरफ मेस्सी और उनकी टीम स्टेडियम के दक्षिणी छोर पर अर्जेंटीना के समर्थकों को धन्यवाद दे रही थी और शायद माफी भी मांग रही थी।

बार्सीलोना और पेरिस सेंट जर्मेन के साथ 12 लीग और चार चैम्पियंस लीग खिताब जीतने के बाद मेस्सी ने जब यूरोपीय फुटबॉल से विदा लेकर तीन साल पहले एमएलएस का रूख किया तो लोगों को लगा कि वह रिटायर होकर अमेरिका में बस जायेंगे ।

लेकिन वह एक बार फिर अर्जेंटीना को विश्व कप फाइनल तक ले गए जिनमें उनके खाते में आठ गोल आये और चार में वह सहायक रहे। विश्व कप में उनके 21 गोल हो गए हैं और शनिवार को तीसरे स्थान के मुकाबले में फ्रांस के कीलियन एमबाप्पे (22 गोल) के आगे निकलने तक वह शीर्ष पर थे। तीन विश्व कप फाइनल खेलने वाले पहले खिलाड़ी मेस्सी के 125 अंतरराष्ट्रीय गोल हैं और वह सिर्फ क्रिस्टियानो रोनाल्डो (146) से पीछे हैं।

स्पेन के खिलाड़ी आखिरी सीटी बजने के बाद मेस्सी को ढांढस बंधाने आये। मेस्सी मैदान पर बैठ गए और हाथ पीछे रखकर एकटक देखते रहे। उपविजेता का पदक लेने आये तो मुस्कुराने की कोशिश की लेकिन नाकाम रहे।फिर अपने विचारों में खोये हुए, दुख को छिपाने की कोशिश करते मैदान के एक कोने से चुपचाप बाहर चले गए। विश्व कप से शायद आखिरी बार।

FIFA World Cup Final में जबरन स्टेज पर खड़े रहे डोनाल्ड ट्रंप, हूटिंग का VIDEO हुआ वायरल

FIFA World Cup 2026 का फाइनल Spain की ऐतिहासिक जीत के साथ खत्म हुआ, लेकिन मैच के बाद Trophy Ceremony में जो हुआ, उसने पूरी दुनिया का ध्यान अपनी ओर खींच लिया। Spain ने Extra Time में Argentina को 1-0 से हराकर दूसरी बार विश्व चैंपियन बनने का गौरव हासिल किया, लेकिन विजेता टीम के जश्न के बीच US President Donald Trump की मौजूदगी सबसे बड़ा चर्चा का विषय बन गई। स्टेडियम में उनके लिए हूटिंग हुई और ट्रॉफी सौंपने के बाद उनका मंच पर रुकना सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।

 

New York New Jersey Stadium में खेले गए रोमांचक फाइनल में दोनों टीमें 90 मिनट तक गोल नहीं कर सकीं। मुकाबले का इकलौता गोल Ferran Torres ने Extra Time के 106वें मिनट में दागा, जिसने Spain को 1-0 की यादगार जीत दिलाई।

 

Argentina के लिए मैच और मुश्किल तब हो गया जब Enzo Fernandez को दूसरे येलो कार्ड के बाद मैदान छोड़ना पड़ा। अंतिम क्षणों में तनाव इतना बढ़ गया कि खिलाड़ियों के बीच तीखी झड़प भी देखने को मिली। इसके साथ ही Lionel Messi का लगातार दूसरा World Cup जीतने का सपना भी टूट गया।

Donald Trump की एंट्री पर स्टेडियम में गूंजी हूटिंग

 

फाइनल देखने पहुंचे Donald Trump ने FIFA President Gianni Infantino के साथ मिलकर खिलाड़ियों को मेडल और विजेता टीम को ट्रॉफी सौंपी। जैसे ही Trump मैदान पर पहुंचे, स्टेडियम के कई हिस्सों से तेज हूटिंग और सीटी की आवाजें सुनाई दीं।

 

हालांकि समारोह आगे बढ़ता रहा और Trump ने Spain के कप्तान Rodri को World Cup Trophy सौंपी। लेकिन इसके बाद जो हुआ, वही पूरी रात की सबसे चर्चित घटना बन गया।

ALSO READ: जिसे Messi ने गोद में नहलाया, अब उसी से होगी FIFA World Cup Final की जंग! जानिए 19 साल पुरानी तस्वीर की कहानी


Trophy देने के बाद स्टेज पर ही खड़े रहे Trump

 

ट्रॉफी सौंपने के बाद जहां Gianni Infantino मंच से हट गए, वहीं Donald Trump विजेता खिलाड़ियों के बीच ही खड़े रहे। Spain के खिलाड़ी Trophy Lift की तैयारी कर रहे थे, लेकिन Trump कुछ देर तक वहीं मुस्कुराते हुए खिलाड़ियों से हाथ मिलाते और तालियां बजाते नजर आए।

 

बताया जाता है कि इसके बाद Gianni Infantino दोबारा उनके पास पहुंचे और उन्हें धीरे से मंच से हटने का इशारा किया। कुछ क्षण बाद Trump मंच के किनारे चले गए, जिसके बाद Rodri ने अपने साथियों के साथ World Cup Trophy उठाई और Spain का ऐतिहासिक जश्न शुरू हुआ।


सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो

 

पूरी Trophy Ceremony के वीडियो कुछ ही मिनटों में सोशल मीडिया पर वायरल हो गए। एक वीडियो में Trump की एंट्री के दौरान हुई हूटिंग चर्चा का विषय बनी, जबकि दूसरे वीडियो में उनके Trophy Lift के दौरान मंच पर खड़े रहने को लेकर लोगों ने अलग-अलग प्रतिक्रियाएं दीं।

 

कई यूजर्स ने इसे पिछले साल हुए FIFA Club World Cup से भी जोड़कर देखा, जब Chelsea की जीत के बाद भी Donald Trump खिलाड़ियों के साथ मंच पर कुछ देर तक मौजूद रहे थे। इस बार हालांकि Trophy Lift से पहले उन्हें मंच से हटते हुए देखा गया।

 

पहले भी विवादों में रह चुके हैं Donald Trump

 

World Cup 2026 के दौरान Donald Trump पहले भी सुर्खियों में आ चुके हैं। उन्होंने एक बयान में दावा किया था कि उन्होंने Gianni Infantino से बात कर USA के खिलाड़ी Folarin Balogun का Red Card हटाने की मांग की थी। इस बयान के बाद भी काफी विवाद हुआ था।

 

अब World Cup Final की Trophy Ceremony ने Donald Trump को एक बार फिर चर्चा के केंद्र में ला दिया। Spain की ऐतिहासिक जीत के साथ-साथ Trophy Presentation का यह पल भी लंबे समय तक फुटबॉल प्रशंसकों के बीच याद किया जाएगा। 

 

फुटबॉल का ऐसा जुनून! वर्ल्ड कप फाइनल देखने के लिए भारत के इस राज्य में स्कूलों की छुट्टी

फुटबॉल वर्ल्ड कप का फाइनल मुकाबला देर रात स्पेन और अर्जेंटीना के बीच खेला जाएगा। वहीं फाइनल को लेकर भारत में भी फुटबॉल प्रेमियों में जबरदस्त उत्साह है। इसी को देखते हुए केरल सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। सरकार ने सोमवार को सामान्य शिक्षा विभाग के तहत आने वाले सभी स्कूलों में छुट्टी घोषित कर दी है, ताकि छात्र आराम से फाइनल मुकाबला देख सकें।

यह फैसला छात्रों की मांग के बाद लिया गया। छात्रों का कहना था कि अर्जेंटीना और स्पेन के बीच होने वाला फाइनल मुकाबला देर रात खेला जाएगा, इसलिए मैच देखने के बाद अगली सुबह स्कूल जाना उनके लिए मुश्किल होगा। भारतीय समय के अनुसार यह रोमांचक मुकाबला सोमवार देर रात 12:30 बजे शुरू होगा। सरकार के इस फैसले से फुटबॉल प्रेमी छात्रों में काफी खुशी है।

शिक्षा मंत्री ने सोशल मीडिया पर दी जानकारी

केरल के शिक्षा मंत्री एन. शमसुद्दीन ने सोशल मीडिया के जरिए स्कूलों में छुट्टी की घोषणा की। उन्होंने छात्रों से मजाकिया अंदाज में पूछा, “अब खुश हो, बच्चों?” सरकार के इस फैसले की पूरे केरल में चर्चा हो रही है। राज्य में फुटबॉल को लेकर लोगों में जबरदस्त दीवानगी है और बड़ी संख्या में लोग फीफा वर्ल्ड कप के मुकाबले देखते हैं। छुट्टी की मांग को राजनीतिक समर्थन भी मिला था। सीपीआई (एम) के नेता और पूर्व शिक्षा मंत्री वी. शिवनकुट्टी ने सरकार से छात्रों के हित में स्कूलों में छुट्टी घोषित करने की अपील की थी। उनका कहना था कि देर रात तक फाइनल देखने के बाद छात्रों के लिए अगले दिन स्कूल जाना मुश्किल होगा। उन्होंने यह भी सुझाव दिया था कि पढ़ाई का नुकसान न हो, इसके लिए शनिवार की छुट्टी को कार्य दिवस बनाकर उसकी भरपाई की जा सकती है।

विपक्ष ने भी किया समर्थन

स्कूलों में छुट्टी की मांग को विपक्षी यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (UDF) के नेताओं ने भी समर्थन दिया। वहीं, मुख्यमंत्री वी.डी. सतीसन ने भी माना कि फीफा वर्ल्ड कप फाइनल को लेकर पूरे केरल में फुटबॉल का जबरदस्त उत्साह है। मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा कि अर्जेंटीना और स्पेन के बीच होने वाले फाइनल मुकाबले को लेकर राज्य में खासा उत्साह है। उन्होंने कहा कि सरकार चाहती है कि युवा फुटबॉल प्रेमी बिना किसी चिंता के देर रात तक मैच का आनंद लें और उन्हें अगले दिन स्कूल या कॉलेज जाने की फिक्र न रहे। इसी वजह से सभी शिक्षण संस्थानों में छुट्टी घोषित की गई है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे जागकर मैच देखें, अपनी पसंदीदा टीम का उत्साह बढ़ाएं और इस रोमांचक मुकाबले का पूरा आनंद लें।

खिताब बचाने उतरेगी अर्जेंटीना

फीफा वर्ल्ड कप 2026 के फाइनल में लियोनेल मेसी की अर्जेंटीना टीम अपने विश्व कप खिताब को बचाने के इरादे से मैदान में उतरेगी। वहीं, पूरे टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन करने वाली स्पेन की टीम अपना दूसरा फीफा वर्ल्ड कप खिताब जीतने की कोशिश करेगी।