दलीप ट्रॉफी फाइनल खेलो, इन 3 खिलाड़ियों को मिली कोच गंभीर की हिदायत

सलामी बल्लेबाज केएल राहुल, श्रीलंका सीरीज के नायक देवदत्त पडिक्कल और अनुभवी तेज गेंदबाज मोहम्मद सिराज को चेन्नई में छह सितंबर से शुरू होने वाले दलीप ट्रॉफी फाइनल में पूर्वी क्षेत्र के खिलाफ दक्षिण क्षेत्र की ओर से खेलने के लिए कहा गया है।माना जा रहा है कि दक्षिण क्षेत्र के कप्तान तिलक वर्मा, उभरते हुए स्टार वैभव सूर्यवंशी और विकेटकीपर ईशान किशन (सभी भारत की टी20 अंतरराष्ट्रीय टीम का हिस्सा हैं) का खेलना भारतीय टीम के मुख्य कोच गौतम गंभीर की मंजूरी पर निर्भर करेगा।

इस घटनाक्रम की जानकारी रखने वाले बीसीसीआई के सूत्र ने गोपनीयता की शर्त पर कहा, ‘‘राहुल, पडिक्कल और सिराज अभी कोई प्रतिस्पर्धी क्रिकेट नहीं खेल रहे हैं। राष्ट्रीय चयनकर्ता चाहते हैं कि जो भी भारतीय खिलाड़ी उपलब्ध हो, वह दलीप ट्रॉफी फाइनल खेले। इन तीनों ने आखिरी बार 27 अगस्त को मैच खेला था। अब वे 27 सितंबर को वेस्टइंडीज के खिलाफ वनडे मैच खेलेंगे। ’’उन्होंने कहा, ‘‘अब पडिक्कल वनडे टीम का हिस्सा नहीं हैं इसलिए हो सकता है कि वह भारत ए सीरीज खेलें। लेकिन अगर उन्हें दलीप ट्रॉफी के फाइनल में खेलने का मौका मिलता है, तो उन्हें खेलना चाहिए। ’’

पर सूर्यवंशी, किशन और तिलक के मामले में फैसला कोच गंभीर का होगा।सूत्र ने कहा, ‘‘भारतीय टीम नौ या 10 सितंबर को दिल्ली में जुटेगी। अगर मुख्य कोच चाहते हैं कि तीनों टी20 अंतरराष्ट्रीय टीम के कार्यक्रम के हिसाब से रिपोर्ट करें तो वे नहीं खेल पाएंगे। लेकिन अगर मुख्य कोच चाहते हैं कि वे फाइनल खेलें और 10 सितंबर की देर शाम दिल्ली में रिपोर्ट करें तो वे ऐसा भी कर सकते हैं। 

 बीसीसीआई मयंक यादव, कार्तिक त्यागी और बाएं हाथ के गेंदबाज मोहसिन खान को जापान में होने वाले एशियाई खेलों में नेट गेंदबाज के तौर पर भारतीय टीम की ट्रेनिंग में मदद करने के लिए भेजने की योजना बना रहा है।बीसीसीआई नेट गेंदबाजों को साथ ले जाता रहा है और ये तीनों टी20 में अच्छा प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ी हैं।सूत्र ने कहा, ‘‘वे आधिकारिक भारतीय दल का हिस्सा नहीं होंगे और सिर्फ तब तक वहां रहेंगे जब तक भारतीय पुरुष टीम 26 सितंबर को अपना पहला मैच नहीं खेल लेती, बशर्ते बीसीसीआई 20 सितंबर को टीम के दिल्ली से रवाना होने से पहले उनके जापानी वीजा का इंतजाम कर ले। ’’

Duleep Trophy में वैभव का गेंद से कमाल 4 गेंदों में झटके 2 विकेट (Video)

बिहार के वैभव सूर्यवंशी आईसीसी टूर्नामेंट्स और इंडियन प्रीमियर लीग में अपनी बल्लेबाजी के लिए जाने जाते हैं लेकिन दिलीप ट्रॉफी में उन्होंने दिखाया कि वह गेंद से भी उतना ही कमाल कर सकते हैं। ईस्ट जोन के उपकप्तान वैभव सूर्यंवशी ने आज दलीप ट्रॉफी क्वार्टरफाइनल में नॉर्थ इस्ट जोन के खिलाफ 4 गेंदों में 2 विकेट चटकाए। उन्होंने नॉर्थ ईस्ट के किशन को 25 रनों पर और इमलिवती को 4 रनों पर आउट किया। इसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।

15 साल के इस खिलाड़ी के लिए यह सीज़न शानदार रहा है। इस उभरते हुए बल्लेबाज ने इंग्लैंड में तीन टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों में 14, 13 और 15 रन बनाए। इनमें से दो पारियों में सूर्यवंशी जोफ्रा आर्चर की शॉर्ट गेंद पर आउट हुए। इंग्लैंड दौरे पर भारत के लिए अपने डेब्यू में उम्मीद के मुताबिक प्रदर्शन न कर पाने के बाद, सूर्यवंशी ने ज़िम्बाब्वे के ख़िलाफ़ टी20 सीरीज़ में प्रभावित किया। वहाँ उन्होंने कई मैचों में जीत दिलाने वाला प्रदर्शन किया और ‘प्लेयर ऑफ़ द सीरीज़’ चुने गए।

हालांकि इस 15 वर्षीय खिलाड़ी ने बिहार के लिए आठ प्रथम श्रेणी मैचों की 12 पारियों 17 से अधिक के औसत से रन बनाए हैं जो कि आकर्षक नहीं हैं। उनका सर्वोच्च स्कोर 93 रन है।ईस्ट ज़ोन ने एक मज़बूत टीम चुनी है जिसमें कई अनुभवी घरेलू और अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी शामिल हैं। चुने गए प्रमुख खिलाड़ियों में भारत के अनुभवी तेज़ गेंदबाज़ मोहम्मद शमी, बंगाल के कप्तान अभिमन्यु ईश्वरन, तेज़ गेंदबाज़ मुकेश कुमार, ऑलराउंडर शाहबाज़ अहमद और विकेटकीपर-बल्लेबाज़ कुमार कुशाग्र शामिल हैं।

कभी भारत की टीम में जगह बनाने की चाह रखने वाले खिलाड़ियों के लिए महत्वपूर्ण टूर्नामेंट रहे दलीप ट्रॉफी अब महज बीसीसीआई के कैलेंडर में एक और टूर्नामेंट बनकर रह गया है क्योंकि अधिकतर खिलाड़ी टेस्ट टीम में जगह बनाने की दौड़ में नहीं हैं।

रणजी ट्रॉफी की तरह ही दलीप ट्रॉफी भी भारत ए की टीम में जगह बनाने का जरिया रह गया है। इसमें अच्छा प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ी सितंबर के आखिर और अक्टूबर की शुरुआत में पुडुचेरी में ऑस्ट्रेलिया ए टीम के खिलाफ होने वाले दो चार दिवसीय ‘टेस्ट’ मैचों के लिए दावेदार हो सकते हैं।

Rahul Dravid ने वैभव सूर्यवंशी को दी बड़ी सलाह, बोले- जल्दबाजी न करें

भारत के युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी अपनी विस्फोटक बल्लेबाजी के लिए जाने जाते हैं। आईपीएल में बेहरतरीन प्रदर्शन के बाद उनको भारत के टी20 टीम में शामिल किया गया। वहीं हाल ही में पूर्व भारतीय क्रिकेटर राहुल द्रविड़ ने युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी के खेल को लेकर अपनी राय दी है। उन्होंने कहा कि वैभव का घरेलू क्रिकेट में सफेद और लाल गेंद दोनों फॉर्मेट में खेलना अच्छी बात है। द्रविड़ ने कहा कि, इतनी कम उम्र में मिले इस मौके का सही इस्तेमाल करने के लिए वैभव को अपने करियर में बैलेंस बनाए रखना चाहिए। इससे उसे लंबे समय तक बेहतर प्रदर्शन करने में मदद मिल सकती है।

दिलीप ट्रॉफी में ईस्ट जोन वैभव

15 साल के वैभव सूर्यवंशी ने IPL में शानदार प्रदर्शन के बाद जून में इंग्लैंड के खिलाफ T20 इंटरनेशनल डेब्यू किया था। अब वह दिलीप ट्रॉफी में ईस्ट जोन के लिए खेलेंगे और रेड-बॉल क्रिकेट में अपना हुनर दिखाएंगे। हालांकि, रणजी ट्रॉफी में उनका प्रदर्शन कुछ खास नहीं रहा था। उन्होंने तीन मैचों की 12 पारियों में 17.25 की औसत से रन बनाए। अंडर-19 टीम की जिम्मेदारियों के कारण वह घरेलू क्रिकेट में लगातार नहीं खेल पाए थे।

वैभव को दी ये सलाह

क्रिकइन्फो से बातचीत में राहुल द्रविड़ ने कहा, “मुझे लगता है कि करियर में हमेशा संतुलन बनाए रखना जरूरी है। यह अच्छी बात है कि वैभव को IPL के जरिए भारत में व्हाइट-बॉल क्रिकेट खेलने का अनुभव मिल रहा है। साथ ही, उसके पास भारतीय घरेलू क्रिकेट में लौटकर रेड-बॉल क्रिकेट खेलने और अपने इस करियर को आगे बढ़ाने का भी पूरा समय है।” उन्होंने आगे कहा, “हम सभी चाहते हैं कि टेस्ट क्रिकेट मजबूत रहे और आगे बढ़ता रहे। इसके लिए वैभव जैसे खिलाड़ियों की जरूरत है, जो उम्मीद है कि आने वाले समय में क्रिकेट के सभी फॉर्मेट में खेल सकें।”

ज्यादा रेड-बॉल क्रिकेट खेलने का मौका मिलना चाहिए

राहुल द्रविड़ ने IPL 2025 में राजस्थान रॉयल्स के साथ वैभव सूर्यवंशी के साथ काम किया था। द्रविड़ का माना कि, रेड-बॉल क्रिकेट में लगातार खेलने से वैभव का अनुभव और खेल बेहतर होगा। द्रविड़ ने कहा, “अच्छी बात यह है कि वैभव के पास अभी काफी समय है और उसे अनुभव हासिल करने के लिए ज्यादा रेड-बॉल क्रिकेट खेलने का मौका मिलेगा। उसने अब तक व्हाइट-बॉल क्रिकेट की तुलना में रेड-बॉल क्रिकेट कम खेला है। वह अभी सिर्फ 15 साल का है, इसलिए उसे समय देने और धैर्य रखने की जरूरत है। उसने शुरुआत में ही काफी सफलता हासिल की है, लेकिन करियर में उतार-चढ़ाव आना सामान्य है। ऐसे में लोगों को उसके साथ धैर्य रखना चाहिए।”

Vaibhav Sooryavanshi: दलीप ट्रॉफी में वैभव सूर्यवंशी को क्यों बनाया गया उपकप्तान? सेलेक्टर ने बताया इस फैसले के पीछे की वजह

युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी आईपीएल 2026 के बाद से लगातार चर्चा में बने हुए हैं। 15 वर्षीय वैभव सूर्यवंशी को दलीप ट्रॉफी 2026 के लिए ईस्ट जोन टीम का उपकप्तान बनाया गया है। इस टूर्नामेंट की शुरुआत 23 अगस्त से बेंगलुरु में होगी। वहीं वैभव के उपकप्तान बनाए जाने के फैसले को लेकर क्रिकेट जगत में अलग-अलग राय सामने आई हैं। कई पूर्व खिलाड़ी और एक्सपर्ट के मुताबिक, इतनी कम उम्र में वैभव को बड़ी जिम्मेदारी देना जल्दबाजी हो सकती है। वहीं हाल ही में सेलेक्टर ने बताया की वैभव को इतनी बड़ी जिम्मेदारी क्यों दी गई है।

फैसले का किया बचाव

ईस्ट जोन सेलेक्टर समिति के सदस्य और ओडिशा के पूर्व रणजी क्रिकेटर प्रवंजन मलिक ने इस फैसले का बचाव किय। प्रवंजन मलिक ने क्रिकबज से बातचीत में कहा, “वैभव को कप्तान नहीं, बल्कि उपकप्तान बनाया गया है। टीम की कप्तानी ईशान किशन करेंगे। ईशान विकेटकीपर भी हैं, इसलिए मैच के दौरान उनकी भूमिका लगातार एक्टिव रहेगी। इसका मतलब यह नहीं है कि वैभव पूरे समय टीम की कप्तानी करेंगे। वह अभी सीखने के दौर में हैं और हर दिन पहले से ज्यादा मैच्योर हो रहे हैं। उन्हें अतिरिक्त जिम्मेदारी देने से उनकी नेतृत्व क्षमता और मैच की समझ बेहतर होगी।”

भविष्य के लीडरशीप क्षमता विकसित करना

मलिक ने ये भी बताया कि वैभव सूर्यवंशी पहले से ही बिहार की घरेलू टीम के उपकप्तान हैं और 2026 अंडर-19 विश्व कप में भी उपकप्तान की भूमिका भी निभा चुके हैं। उन्होंने कहा, “वैभव देश के लिए लगातार अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं। राजस्थान रॉयल्स के साथ उनका आईपीएल सीजन भी शानदार रहा। वह बिहार की प्रथम श्रेणी टीम के भी उपकप्तान हैं।” मलिक ने आगे कहा, “दलीप ट्रॉफी में उपकप्तानी की जिम्मेदारी उनके लिए बड़ा अवसर है। हमारा मानना है कि युवा खिलाड़ियों को जिम्मेदारी देना जरूरी है, क्योंकि इससे उनमें नेतृत्व क्षमता विकसित होती है।”

उन्होंने आगे कहा, “कौन जानता है, भविष्य में वह भारतीय टीम के कप्तान भी बन सकते हैं। इसी सोच के साथ उन्हें उपकप्तान बनाया गया है।” मलिक ने यह भी स्पष्ट किया कि चयनकर्ताओं ने वैभव को उपकप्तान बनाने से पहले उनसे इस फैसले पर कोई चर्चा नहीं की थी।