Shankesh Jewellers में 7% का उछाल, लिस्टिंग पर एक क्लाइंट ने खरीदी 1.57% होल्डिंग तो नोमुरा सिंगापुर ने बेचे पूरे शेयर

Shankesh Jewellers Share Price: आईपीओ को ढाई गुना से अधिक बोली मिलने के बाद शंकेश ज्वैलरी के शेयरों का लिस्टिंग के दिन बड़ा लेन-देन हुआ। करीब 11% के लिस्टिंग गेन के बाद इसके शेयरों की अधिकतर तेजी गायब होने लगी जिसका कई निवेशकों ने फायदा उठाया। एक तरफ नोमुरा सिंगापुर ने अपनी पूरी हिस्सेदारी बेच दी तो दूसरी तरफ पीएनजीएस रेवा डायमंड ज्वैलरी के प्रमोटर्स ने इसमें डेढ़ फीसदी से अधिक हिस्सेदारी हासिल की। इसके शेयरों के मौजूदा स्थिति की बात करें तो फिलहाल बीएसई पर यह 1.02% की बढ़त के साथ ₹96.00 पर है। इंट्रा-डे में यह 7.33% उछलकर ₹102.00 तक पहुंच गया था। इसके ₹93 के भाव पर जारी शेयर एक कारोबारी दिन पहले करीब 11% पर लिस्ट होने के बाद इंट्रा-डे में ₹110.99 तक पहुंच गए थे।

लिस्टिंग के दिन किसने खरीदे-बेचे Shankesh Jewellers के शेयर

एनएसई पर मौजूद बल्क डील्स की डिटेल्स के मुताबिक 25 अगस्त को यानी लिस्टिंग के दिन 5.64 करोड़ शेयरों का खरीदारी और बिक्री हुई। इसमें से 1.57% हिस्सेदारी के बराबर 23.2 लाख शेयर पीएनजीए रेवा डायमंड ज्लैवरी के प्रमोटर्स- गाडगिल रेणु गोविंद और पीएम गाडगिल एंड सन्स ने ₹23.44 करोड़ में ₹101.05 के भाव पर खरीदे। पीएन गाडगिल एंड सन्स शंकेश ज्वैलर्स की क्लाइंट है। वहीं नोमुरा सिंगापुर ने अपने पूरे 16.17 लाख शेयर ₹15.63 करोड़ में प्रति शेयर ₹96.66 के भाव पर बेच दिए।

कैसी है कारोबारी सेहत

पीएन गाडगिल (PN Gadgil) और कल्याण ज्वैलर्स (Kalyan Jewellers) जैसी दिग्गज ज्वैलरी कंपनियों के लिए गहने बनाने वाली शंकेश ज्वैलरी की सेहत लगातार मजबूत हो रही है। अपने क्लाइंट्स से गोल्ड और डिजाइन लेकर उससे गहने बनाने वाली शंकेश का वित्त वर्ष 2024-26 में शुद्ध मुनाफा सालाना 188% से अधिक की रफ्तार यानी CAGR से बढ़कर ₹106.68 करोड़ और टोटल इनकम करीब 24% के सीएजीआर से ₹1,630.93 करोड़ पर पहुंच गया। मार्च 2026 तिमाही के आखिरी में कंपनी पर ₹167.30 करोड़ का टोटल कर्ज था जबकि रिजर्व और सरप्लस में ₹150.65 करोड़ पड़े थे। अब इसके शेयर लिस्ट हुए हैं और इसके ₹367 करोड़ के आईपीओ को ओवरऑल 2.80 गुना से अधिक बोली मिली थी।

Shankesh Jewellers IPO Listing: Kalyan Jewellers-PN Gadgil के बनाती है गहने, अब 11% प्रीमियम पर लिस्ट ₹93 का शेयर

Gaja IPO Listing: 15% का लिस्टिंग गेन, आईपीओ को 33 गुना बोली के बाद शेयरों की मार्केट में धाकड़ एंट्री

डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

बाप रे! यहां तो ठेले वाले भी डिजिटल, भारत का UPI सिस्टम देख सदमे में फ्रांसिसी महिला

बाप रे! यहां तो ठेले वाले भी डिजिटल, भारत का UPI सिस्टम देख सदमे में फ्रांसिसी महिला

UPI system

भारत में डिजिटल पेमेंट का चलन देखकर हर कोई हैरान है। हाल ही में एक वीडियो सामने आया है, जिसमें भारत के डिजिटल पेमेंट की जमकर तारीफ की जा रही है। दरअसल, एक फ्रांसिसी महिला भारत का डिजिटल यानी यूपीआई पेंमेंट का चलन देखकर चौंक गई। विदेशी महिला ने बताया कि इस डिटीटल सुविधा के पीछे भारत का यूपीआई सिस्टम है।

यह एक ऐसा डिजिटल भुगतान प्लेटफॉर्म है, जिसके जरिए लोग सिर्फ क्यूआर कोड स्कैन करके कुछ ही सेकंड में पैसे भेज और प्राप्त कर सकते हैं। इसमें बैंक खाते की लंबी जानकारी दर्ज करने की जरूरत नहीं पड़ती। यही वजह है कि छोटे दुकानदारों से लेकर बड़े कारोबारियों तक, लगभग हर कोई इसका इस्तेमाल करता है। महिला का कहना है कि दुनिया के कई देशों की यात्रा करने के बाद भी उसने इतना सरल और तेज भुगतान सिस्टम बहुत कम जगहों पर देखा है।

बता दें कि अब सिर्फ बड़े मॉल, रेस्टोरेंट या ऑनलाइन शॉपिंग तक सीमित नहीं रह गया है। सड़क किनारे चाय बेचने वाले से लेकर ऑटो चलाने वाले तक, छोटे दुकानदारों के पास भी QR कोड नजर आ जाता है। इसी चीज ने फ्रांस से भारत घूमने आई एक महिला को हैरान कर दिया। उसने सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर किया, जिसमें उसने बताया कि भारत में QR कोड और UPI का इस्तेमाल देखकर उसे सबसे ज्यादा हैरानी हुई। महिला का कहना है कि उसे UPI के बारे में पहले से पता था, लेकिन उसने कभी नहीं सोचा था कि इसका इस्तेमाल इतने छोटे-छोटे लेन-देन में भी इतना आम होगा।

चाय की दुकान से ऑटो तक दिखा QR कोड : महिला ने अपने वीडियो में भारत में रोजमर्रा की जिंदगी के उन छोटे-छोटे अनुभवों के बारे में बताया, जिन्होंने उसे सबसे ज्यादा चौंकाया। उसके लिए सबसे दिलचस्प बात यह थी कि QR कोड सिर्फ बड़ी दुकानों या महंगे रेस्टोरेंट में नहीं दिखे। उसे सड़क किनारे लगने वाली छोटी दुकानों, चाय की दुकानों और स्थानीय कारोबारियों के पास भी QR कोड नजर आए। यहां तक कि ऑटो में सफर करने के दौरान भी डिजिटल पेमेंट का विकल्प मौजूद था। यानी जेब में ज्यादा कैश न हो तब भी रोजमर्रा का काम आसानी से चल सकता है। महिला ने कहा कि फ्रांस से आने के बाद भारत में यह छोटी सी चीज उसके लिए बड़ा सांस्कृतिक अंतर बन गई।

वीडियो में महिला की हैरानी की असली वजह यही है कि भारत में डिजिटल पेमेंट के लिए खरीदारी का बड़ा होना जरूरी नहीं है। कोई व्यक्ति सिर्फ 20 रुपये की चीज खरीद रहा हो, एक कप चाय पी रहा हो या छोटी सी दुकान से कुछ सामान ले रहा हो, फिर भी QR कोड से पैसे भेज सकता है। सोशल मीडिया यूजर्स ने भी इस बात को तुरंत पकड़ लिया। एक यूजर ने मजाकिया अंदाज में लिखा कि विदेशी लोगों को इस बारे में शायद काफी कम जानकारी है, क्योंकि भारत में यह व्यवस्था कई सालों से आम है और बहुत से लोग लंबे समय से कैश का इस्तेमाल तक नहीं कर रहे। दूसरे यूजर ने कहा कि सड़क किनारे मिलने वाली 10 रुपये की चाय का भुगतान भी आसानी से UPI से किया जा सकता है। महिला का कहना है कि दुनिया के कई देशों की यात्रा करने के बाद भी उसने इतना सरल और तेज भुगतान सिस्टम बहुत कम जगहों पर देखा है।

Upcoming IPO: पैसे कर लें तैयार, 31 अगस्त से खुलेगा मधुसूदन केला के निवेश वाली कंपनी पर्पल स्टाइल का IPO, जानिए सभी डिटेल्स

Purple Style Labs IPO: लक्जरी फैशन प्लेटफॉर्म पर्निया पॉप-अप शॉप की पैरेंट कंपनी पर्पल स्टाइल लैब्स अपना आईपीओ लेकर आ रही है। कंपनी ने ₹680 करोड़ के इस आईपीओ के लिए ₹546 से ₹575 प्रति शेयर का प्राइस बैंड तय किया है।

आकाश भंसाली, मधुसूदन केला और मुकुल महावीर अग्रवाल जैसे दिग्गज निवेशकों के समर्थन वाली इस कंपनी का आईपीओ 31 अगस्त को खुलकर 2 सितंबर 2026 को बंद होगा।

आईपीओ से जुड़ी जरूरी बातें

  • आईपीओ खुलने और बंद होने की तारीख: 31 अगस्त- 2 सितंबर 2026
  • एंकर बुक इश्यू: 28 अगस्त 2026
  • इश्यू साइज: ₹680 करोड़ (पूरा फ्रेश इश्यू)
  • प्राइस बैंड: ₹546 से ₹575 प्रति शेयर
  • न्यूनतम निवेश (1 लॉट): ₹14,950 (26 शेयर)

आईपीओ के फंड का कहां होगा इस्तेमाल?

कंपनी इस आईपीओ से मिलने वाली रकम का इस्तेमाल मुख्य रूप से अपने विस्तार और मार्केटिंग में करेगी:

₹371.1 करोड़: सब्सिडियरी कंपनी PSL रिटेल में निवेश किया जाएगा, ताकि भारत में एक्सपीरियंस सेंटर्स और बैक-एंड ऑफिसों के लीज पेमेंट पूरे किए जा सकें।

₹138.9 करोड़: सेल्स और मार्केटिंग गतिविधियों पर खर्च किए जाएंगे।

बाकी रकम: सामान्य कॉर्पोरेट उद्देश्यों में इस्तेमाल होगी।

कंपनी का कारोबार और दिग्गज निवेशकों की हिस्सेदारी

पर्पल स्टाइल लैब्स भारत में लक्जरी फैशन, खासतौर पर वेडिंग और ओकेजन वियर का बड़ा क्यूरेटेड प्लेटफॉर्म चलाती है। कंपनी के पास देश भर में 12 एक्सपीरियंस सेंटर्स और 2 बैक-एंड ऑफिस हैं। प्रमुख निवेशकों की हिस्सेदारी:

  • आकाश भंसाली (Volrado Venture Partners Fund II): 2.41% हिस्सेदारी
  • मधुसूदन केला (Singularity AMC): 1.60% हिस्सेदारी
  • मुकुल महावीर अग्रवाल: 1.18% हिस्सेदारी

कैसी है कंपनी की माली हालत?

कंपनी की वित्तीय सेहत पर नजर डालें तो पिछले कुछ सालों में राजस्व में उतार-चढ़ाव और घाटे में बढ़ोतरी देखी गई है। फाइनेंशियल ईयर 2026 में कंपनी का कुल घाटा बढ़कर ₹285.3 करोड़ हो गया है। वित्त वर्ष 2025 में घाटा ₹188.3 करोड़ था। साथ ही कंपनी का राजस्व 13.9% बढ़कर ₹557.8 करोड़ रहा, जो वित्त वर्ष 2025 में 2.9% घटकर ₹489.9 करोड़ रह गया था।

पर्पल स्टाइल लैब्स का ब्रांड नेम और इसमें दिग्गजों का निवेश इसे आकर्षक बनाता है, लेकिन पिछले कुछ वित्तीय वर्षों में बढ़ता घाटा निवेशकों के लिए चिंता का विषय रह सकता है। इस आईपीओ के बुक रनिंग लीड मैनेजर्स एक्सिस कैपिटल और आईआईएफएल कैपिटल सर्विसेज हैं।

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

लाइक्स के लिए ‘रॉन्ग-वे ड्राइविंग’ का घातक ट्रेंड:ब्रिटेन में 32% केस बढ़े, पीएम भी चिंतित; तारीफ के लिए गलत दिशा में जा रहे युवा

अमेरिका, यूरोप में हाल के वर्षों में ‘टीन टेकओवर’ और ‘ब्लैकआउट चैलेंज’ जैसे खतरनाक ट्रेंड के बाद अब ब्रिटेन में ‘रॉन्ग-वे ड्राइविंग’ ट्रेंड में है। सोशल मीडिया पर व्यूज और लाइक्स हासिल करने की अंधी दौड़ ने युवाओं को नए और जानलेवा खेल में उलझा दिया है। ब्रिटेन में इन दिनों हाईवे पर गलत दिशा में तेज रफ्तार गाड़ी चलाने का का ट्रेंड तेजी से फैल रहा है। युवा भीड़भाड़ वाली सड़कों या हाईवे पर पर गलत दिशा में कार दौड़ाते हुए वीडियो शूट कर उन्हें सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर पोस्ट करते हैं। इस खतरनाक ‘गेमिफाइड’ स्टंट के कारण हाल ही में कई हादसे हुए हैं। जैसे- 22 अगस्त को उत्तरी इंग्लैंड के मिडल्सब्रो में हाईवे पर गलत दिशा से आ रही कार ने पुलिस वाहन को जोरदार टक्कर मार दी। इस हादसे में कार सवार 5 युवाओं और दो पुलिस अधिकारियों की मौत हुई। जांच में कार चला रहे युवा के टिकटॉक अकाउंट पर मिले एक पुराने वीडियो में 160 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से कार चलाने और पुलिस से भागने के दृश्य मिले। इस ट्रेंड से चिंतित ब्रिटेन के पीएम एंडी बर्नहैम कहते हैं कि खतरनाक ड्राइविंग की रील्स वास्तव में निंदनीय काम है। अमेरिका में ‘स्ट्रीट टेकओवर’ और ‘नो-हेजिटेशन ड्राइविंग’ नाम से गलत दिशा में स्पीडिंग और पुलिस को उकसाने के वीडियो बनाए जाते हैं। कैलिफोर्निया और टेक्सास जैसे राज्यों में इसे रोकने के लिए विशेष टास्क फोर्स का गठन करना पड़ा है। रील्स की सनक, खतरे का अहसास खत्म सवाल है कि युवा ऐसे जानलेवा स्टंट क्यों कर रहे हैं? वॉशिंगटन में साइबर साइकोलॉजी की प्रो. मैरी एकन बताती हैं, ‘जब युवा इन जानलेवा कारनामों को रिकॉर्ड और ब्रॉडकास्ट करते हैं, तो उन्हें असली खतरे से काल्पनिक दूरी महसूस होने लगती है। उन्हें लगता है कि वे कोई वीडियो गेम खेल रहे हैं या लाइव परफॉर्मेंस दे रहे हैं। सोशल मीडिया पर मिलने वाले लाइक्स और व्यूज उन्हें जोखिम उठाने का सामाजिक इनाम महसूस कराते हैं।’ ब्रिटेन में इस वर्ष हाईवे पर गलत दिशा में गाड़ी चलाने के 62 केस हो चुके हैं, जो पिछले साल से 32% अधिक हैं। इस ट्रेंड से जुड़े हादसों में एक ही हफ्ते में 12 लोगों की मौत हुई है। ध्यान दें – ये अब ‘लाइक्स’ देखने के लिए दुनिया में नहीं हैं जैकब माटुसियाक, मकाई सैडिंगटन, थियो रे, माइकल रॉबर्ट कैहिल और कोल रॉबर्ट वर्थी की पासैट कार दुर्घटना में मृत्यु हो गई (बाएं से दाएं)। 17 से 23 साल के ये युवक अब सोशल मीडिया के अपने अकाउंट्स पर लाइक्स और व्यूज कभी नहीं देख सकेंगे।

इस साल का दूसरा और अंतिम चंद्र ग्रहण 28 अगस्त को कुंभ राशि और शतभिषा नक्षत्र में लगेगा.

Chandra Grahan 2026

Chandra Grahan 2026 Negative Impact: इस साल का अंतिम चंद्र ग्रहण 28 अगस्त को लगने जा रहा है. यह चंद्र ग्रहण सावन पूर्णिमा को रक्षाबंधन के अवसर पर लगने वाला है. यह भारत में दिखाई नहीं देगा, लेकिन इसका प्रभाव सभी 12 राशियों पर होगा. साल का दूसरा चंद्र ग्रहण कुंभ राशि और शतभिषा नक्षत्र में लगेगा. इस चंद्र ग्रहण का दुष्प्रभाव मेष समेत 8 राशिवालों पर देखने को मिलेगा. इन लोगों के करियर और मानसिक स्तर पर उथल-पुथल मच सकता है. बॉस से रिश्ते खराब हो सकते हैं, कार्यक्षेत्र में असहयोग, तनाव-अवसाद आदि की स्थिति बन सकती है.

चंद्र ग्रहण का राशियों पर नकारात्मक प्रभाव
मेष: चंद्र ग्रहण की वजह से मेष राशिवालों को कार्यक्षेत्र में बदलाव का सामना करना पड़ सकता है. वहीं आसानी से काम नहीं बनेंगे, सफलता के लिए बहुत ही परिश्रम की आवश्यकता होगी. मन को शांत रखें और क्रोध न करें.

वृषभ: चंद्र ग्रहण वृषभ राशि के लिए करियर में अनुकूल समय नहीं लाने वाला. अपने बॉस से मतभेद या वाद विवाद से बचें, नहीं तो हानि उठानी पड़ सकती है. करियर में स्थान परिवर्तन या बदलाव की स्थिति बन सकती है. इस समय में काम को लेकर कोई बड़ा निर्णय लेना पड़ सकता है.

मिथुन: चंद्र ग्रहण के कारण मिथुन राशिवालों के घर में तनाव, विवाद आ​दि की स्थिति बन सकती है. इससे आपसी रिश्ते खराब हो सकते हैं. बहस से अच्छा है कि शांति और धैर्य के साथ काम लें. इस दिन अपने पिता की सेहत का ध्यान रखें, नहीं तो वे बीमार हो सकते हैं. कार्यस्थल पर काम का बोझ बढ़ सकता है.

सिंह: चंद्र ग्रहण से सिंह वालों को भी सावधान रहने की जरूरत है. इस समय में आपको धन हानि हो सकती है, निवेश न करें. बिजनेस करने वालों को सावधानी से काम करना होगा, नहीं तो कोई अच्छी डील हाथ से जा सकती है. काम में बाधाएं आएंगी. मन बेचैन रहेगा, क्रोध करने और वाणी पर संयम न होने से परिवार में कलह की स्थिति होगी. इससे विवाद हो सकता है.

तुला: यह चंद्र ग्रहण तुला वालों के जीवन में सृजनात्मक और भावनात्मक स्तर पर उतार-चढ़ाव ला सकता है. इस समय में आपकी सेहत खराब हो सकती है, वहीं मन में बेचैनी और जल्दीबाजी की वजह से आपके काम खराब हो सकते हैं. ओवर कॉन्फिडेंस से बनते काम बिगड़ सकते हैं. इस समय में आप कोई नया काम करने से बचें और कोई जोखिम न लें. योग, ध्यान आदि से मन को शांत रखें.

मकर: चंद्र ग्रहण का अशुभ प्रभाव मकर वालों पर भी देखने को मिलेगा. आपको सलाह है कि आप इस समय में कोई ​निवेश न करें या किसी को रुपए उधार न दें. पैसा फंस सकता है. आपकी वित्तीय स्थिति लड़खड़ा सकती है. आप लोगों से स्पष्ट बात करें, नहीं तो लोग आपकी बातों का गलत अर्थ लगा सकते हैं, जिससे आपको नुकसान हो सकता है.

कुंभ: य​ह चंद्र ग्रहण आपकी ही राशि कुंभ में लगेगा, जिस वजह से इसका नकारात्मक प्रभाव आप पर अधिक हो सकता है. इस समय में कोई ऐसा काम या बात न करें, जिससे आपकी पद और प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचे. अपने व्यक्तित्व और साख के प्रति सतर्क रहें, नहीं तो कोई लांछन या झूठे आरोप लग सकते हैं. अपने स्वास्थ्य का भी ध्यान रखें.

मीन: चंद्र ग्रहण के दिन मीन वालों को अचानक से कोई बड़ा खर्च आ सकता है. इससे आपका बैंक बैलेंस प्रभावित हो सकता है. फिजूलखर्च पर नियंत्रण रखें, नहीं तो उधार लेने की नौबत आ सकती है. यदि कोई कोर्ट केस या विवाद चल रहा है तो आप सजग रहें.

चंद्र ग्रहण के अशुभ प्रभावों से बचने के उपाय
चंद्र ग्रहण के दिन इन सभी 8 राशिवालों को ग्रहण के समापन के बाद सफेद रंग की वस्तुओं जैसे चावल, शक्कर, दूध, वस्त्र आदि का दान करना चाहिए. इसके अलावा आप उस दिन भगवान शिव के मंत्रों का जाप करें. भगवान चंद्रशेखर यानि महादेव की कृपा से आपका कल्याण होगा.

इस कारण श्रीलंकाई बल्लेबाज को पड़ी फटकार और मिला एक डीमेरिट अंक (Video)

INDvsSL श्रीलंका के स्पिनर प्रभात जयसूर्या पर भारत के खिलाफ टेस्ट सीरीज जिताने का बड़ा दारोमदार था लेकिन वह इसमें पूरी तरह विफल रहे। गाले टेस्ट में उन्होंने 5 विकेट जरूर चटकाए लेकिन तब तक देर हो चुकी थी। वहीं कोलंबो टेस्ट में भी उनकी गेंदबाजी भारतीय बल्लेबाजों को परेशान करने में विफल रही। इस बात का ही खीज रही जब उनको रात्रि प्रहरी बनाकर कोलंबो टेस्ट के दूसरे दिन पिच पर भेजा गया तो वह पगबाधा आउट हो गए और बल्ला सीमा की रस्सी पर दे मारा।

श्रीलंका के स्पिनर प्रभात जयसूर्या को कोलंबो में भारत के खिलाफ दूसरे टेस्ट के दूसरे दिन आईसीसी आचार संहिता का उल्लंघन करने के लिए फटकार लगाई गई और उनके खाते में एक डिमैरिट अंक जोड़ा गया।

आईसीसी ने कहा कि जयसूर्या को खिलाड़ियों और सहयोगी स्टाफ के लिए आईसीसी आचार संहिता के अनुच्छेद 2.2 का उल्लंघन करते हुए पाया गया है जो अंतरराष्ट्रीय मैच के दौरान क्रिकेट उपकरण या पोशाक को नुकसान पहुंचाने से जुड़ा है।

आईसीसी ने कहा कि इस खिलाड़ी का पिछले 24 महीने यह पहला अपराध था।दूसरे दिन के खेल की आखिरी गेंद पर भारतीय स्पिनर मानव सुथार की गेंद पर पगबाधा आउट होने के बाद जयसूर्या ने पवेलियन लौटते समय बाउंड्री पर अपना बल्ला पटका था।

जयसूर्या ने अपराध स्वीकार किया और मैच रेफरी एंडी पाइक्रॉफ्ट द्वारा प्रस्तावित दंड को मान लिया।इससे पहले, कोलंबो टेस्ट के पहले दिन मैदान पर हुई झड़प के लिए भारतीय सलामी बल्लेबाज यशस्वी जायसवाल और श्रीलंकाई तेज गेंदबाज असिथा फर्नांडो पर मैच फीस का 25 प्रतिशत जुर्माना लगाया गया और उनके खाते में एक-एक डिमैरिट अंक भी जोड़ा गया था।

अब दान की एक-एक पाई का होगा हिसाब, बांके बिहारी मंदिर के दान पर सुप्रीम कोर्ट का आदेश

अब दान की एक-एक पाई का होगा हिसाब, बांके बिहारी मंदिर के दान पर सुप्रीम कोर्ट का आदेश

Banke Bihari Temple

सुप्रीम कोर्ट ने वृंदावन के प्रसिद्ध बांके बिहारी मंदिर में दान को लेकर एक बड़ा फैसला सुनाया है। अदालत ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि मंदिर में आने वाला हर एक पैसा सीधे दान पेटी या ऑनलाइन माध्यम से मंदिर के खजाने में ही जमा होना चाहिए। न्यायालय ने सख्त रुख अपनाते हुए कहा कि सेवकों या किसी अन्य व्यक्ति द्वारा इस प्रक्रिया में डाली गई बाधा को बेहद गंभीरता से लिया जाएगा।

कोर्ट ने प्रबंधन समिति को मंदिर में कदाचार और धांधली रोकने के लिए तत्काल एक पारदर्शी व्यवस्था शुरू करने का आदेश दिया है। इसके साथ ही, सुप्रीम कोर्ट ने यह भी साफ किया कि मंदिर के कोष से संपत्ति खरीदने के किसी भी प्रस्तावित लेनदेन को पूरा करने से पहले अदालत के समक्ष पेश करना अनिवार्य होगा।

भारत के प्रधान न्यायाधीश सूर्यकांत, न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची और न्यायमूर्ति वी. मोहना की पीठ ने मंदिर के कामकाज की निगरानी कर रही उच्चस्तरीय समिति की स्थिति रिपोर्ट पर दी गईं वरिष्ठ अधिवक्ता मनिंदर सिंह की दलीलों पर गौर किया। सिंह ने तस्वीरें अदालत के सामने रखते हुए कहा कि बहुत गंभीर समस्याएं हैं और इस मामले में तुरंत कार्रवाई की जरूरत है। उन्होंने कहा, “एक वीडियो है। तीन लोग पारंपरिक दान पेटी के सामने खड़े हैं और श्रद्धालुओं से पैसे लेकर उन्हें अपनी पॉलीथिन की थैलियों में डाल रहे हैं”

इस दलील पर कड़ा रुख अपनाते हुए पीठ ने कहा, “इसमें कोई संदेह नहीं होना चाहिए। हम निर्देश देते हैं कि दान का एक-एक पैसा मंदिर की दान पेटियों में या ऑनलाइन कोष में जमा होना चाहिए। ‘सेवायत’ या कोई और इसमें कोई बाधा पैदा करते हैं तो इसे बहुत गंभीरता से लिया जाएगा। प्रबंधन समिति मंदिर के खजाने के लिए पारदर्शी व्यवस्था लागू करे। पीठ ठाकुर श्री बांके बिहारी जी महाराज मंदिर की प्रबंधन समिति की ओर से दायर याचिकाओं पर सुनवाई कर रही थी।

तिब्बत की बाढ़ से नेपाल की भोटेकोशी नदी उफान पर:कई जिलों में चेतावनी जारी, सीमा चौकी के 9 जवान लापता

चीन के तिब्बत क्षेत्र से आई बाढ़ मंगलवार को नेपाल के रसुवा जिले में पहुंच गई। इसके चलते भोटेकोशी नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ गया। बाढ़ के बीच रसुवा के टिमुरे बॉर्डर आउटपोस्ट में तैनात 9 पुलिसकर्मी लापता हो गए हैं। प्रशासन ने त्रिशूली नदी किनारे रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की चेतावनी दी है। लोगों से नदी किनारे न जाने की अपील प्राधिकरण के कार्यकारी प्रमुख धर्मराज उप्रेती ने कहा कि तिब्बत से बाढ़ आने की सूचना मिलते ही प्रभावित इलाकों को अलर्ट भेज दिया गया था। बाढ़ के बाद टिमुरे स्थित बॉर्डर आउटपोस्ट (BOP) में तैनात 9 सशस्त्र पुलिसकर्मी लापता बताए जा रहे हैं। अधिकारियों के अनुसार जवानों से संपर्क नहीं हो पा रहा है। हालांकि चौकी पर मौजूद 25 से 30 अन्य लोग सुरक्षित हैं। भोटेकोशी और त्रिशूली नदियां नेपाल के उत्तरी इलाकों से होकर बहती हैं। तिब्बत में भारी बारिश या अचानक आई बाढ़ का असर इन नदियों के जरिए नेपाल के कई जिलों तक पहुंच सकता है। खबर अपडेट हो रही है…..

तिब्बत की बाढ़ से नेपाल की भोटेकोशी नदी उफान पर:9 पुलिसकर्मी लापता, 5 जिलों में हाई अलर्ट; लोगों को सुरक्षित जगह जाने की सलाह

चीन के तिब्बत से आई अचानक बाढ़ का पानी नेपाल के रसुवा जिले में पहुंच गया है। इससे भोटेकोशी नदी का पानी तेजी से बढ़ गया और आसपास के इलाकों में नुकसान की खबर है। खतरे को देखते हुए त्रिशूली नदी के किनारे बसे रसुवा, नुवाकोट, धादिंग, गोरखा और चितवन में हाई अलर्ट जारी किया गया है। रसुवा के टिमुरे बॉर्डर पोस्ट पर तैनात 9 पुलिसकर्मी लापता हो गए हैं। अधिकारियों के मुताबिक, बाढ़ के बाद से इनसे संपर्क नहीं हो पा रहा है। हालांकि, बॉर्डर पोस्ट पर मौजूद 25 से 30 दूसरे लोग सुरक्षित बताए जा रहे हैं। नदी किनारे रहने वाले लोगों से सावधान रहने और पानी बढ़ने पर तुरंत सुरक्षित जगह जाने को कहा गया है। मुग्लिन समेत त्रिशूली नदी के आसपास के लोगों को नदी के पास न जाने की सलाह दी गई है। PM बालेन ने सेना तैनात करने के आदेश दिए नेपाल के प्रधानमंत्री बालेन शाह ने रसुवा के बाढ़ प्रभावित इलाकों में बचाव और राहत के लिए नेपाली सेना, सशस्त्र पुलिस बल और नेपाल पुलिस को तैनात करने के निर्देश दिए हैं। प्रभावित इलाकों में दूसरे जिलों से भी अतिरिक्त सुरक्षाकर्मी भेजे गए हैं। शाह ने कहा कि राहत और बचाव का काम तेजी से चल रहा है। आपदा प्रबंधन एजेंसी के साथ मेडिकल टीमें, स्काउट्स और रेड क्रॉस की टीमें मिलकर काम कर रही हैं। प्रभावित इलाकों में अतिरिक्त एंबुलेंस और मेडिकल स्टाफ भी भेजा जा रहा है। बालेन ने नदी किनारे के निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को तुरंत सुरक्षित जगह पहुंचाने के निर्देश दिए हैं। प्रधानमंत्री ने हाई लेवल बैठक बुलाई बालेन शाह के मुताबिक प्राइवेट हेलीकॉप्टर कंपनियों से भी विमानों को स्टैंडबाय पर रखने के लिए कहा गया है। वहीं कुछ हेलीकॉप्टर पहले ही प्रभावित इलाकों में तैनात किए जा चुके हैं। प्रधानमंत्री ने कहा कि स्थिति का जायजा लेने और आगे जरूरी कदम उठाने के लिए एक उच्च-स्तरीय बैठक भी बुलाई गई है। नेपाल में आई बाढ़ से जुड़ी 3 फुटेज भोटेकोशी में पिछले साल भी आई थी बाढ़ भोटेकोशी नदी तिब्बत से निकलकर नेपाल में आती है और आगे जाकर सुनकोशी नदी में मिल जाती है। यही सुनकोशी नदी आगे चलकर सप्तकोशी (कोशी) नदी बनती है, जो भारत के बिहार में प्रवेश करती है। पिछले साल भी भोटेकोशी में आई बाढ़ से नेपास को बड़ा नुकसान हुआ था। उस हादसे में 9 लोगों की जान गई थी, जबकि 24 लोग लापता हो गए थे। नेपाल और चीन को जोड़ने वाला फ्रेंडशिप ब्रिज भी बाढ़ में बह गया था। इसके बाद दोनों देशों के बीच सड़क संपर्क और व्यापार कई महीनों तक प्रभावित रहा। ————————— यह भी पढ़ें…… इस्लामाबाद के सरकारी अस्पताल में आग; 15 बच्चे जिंदा जले:सिर्फ 1 को बचाया जा सका; AC कंप्रेसर फटा, फिर पूरे वार्ड में आग फैली पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद के एक अस्पताल में बुधवार को आग लगने से 15 नवजात बच्चों की मौत हो गई। पूरी खबर यहां पढ़ें…

Cyient Share Price: इन्वेस्टर डे के बाद शेयर 4% उछला, जेपी मॉर्गन ने दिया ₹1,050 का टारगेट

Cyient Share Price: IT सर्विस कंपनी Cyient के शेयरों में 26 अगस्त को जोरदार तेजी देखने को मिली। शेयर 4 फीसदी से ज्यादा की बढ़त के साथ ट्रेड कर रहा है। शेयर में तेजी कंपनी द्वारा’इन्वेस्टर डे’ पर कंपनी के ग्रोथ और मार्जिन से जुड़ी जानकारी और ब्रोकरेज फर्मों ने रिकवरी की रफ्तार को लेकर मिक्स राय के बाद आई है।

Cyient ने कहा कि ग्रोथ को फिर से तेज करना उसकी शॉर्ट टर्म की प्राथमिकता है। कंपनी का लक्ष्य FY28-29 तक सालाना आधार पर डबल-डिजिट रेवेन्यू ग्रोथ और तिमाही-दर-तिमाही स्थिर ग्रोथ हासिल करना है।

शॉर्ट टर्म में, कंपनी का लक्ष्य 15% से अधिक EBIT मार्जिन हासिल करना है, जबकि मध्यम से लंबी अवधि में उसका लक्ष्य इंडस्ट्री में सबसे अच्छी ग्रोथ के साथ-साथ 16% से अधिक EBIT मार्जिन हासिल करना है।

कंपनी ने कहा कि उसकी ‘गो-टू-मार्केट’ (GTM) टीम अब बड़े सौदे करने और बिजनेस को प्रोजेक्ट-आधारित काम से हटाकर एन्युइटी-आधारित कॉन्ट्रैक्ट्स की ओर ले जाने के लिए तैयार है, जिनसे रेवेन्यू का बेहतर अनुमान लगाया जा सकता है। अभी प्रोजेक्ट-आधारित काम कंपनी के कुल बिजनेस का लगभग 40% है।

मैनेजमेंट ने बताया कि Cyient की ‘लार्ज-डील पाइपलाइन’ (बड़े सौदों की संभावित सूची) अभी रिकॉर्ड ऊंचाई पर है। इसमें 9 ऐसे सौदे शामिल हैं जिनकी कुल कॉन्ट्रैक्ट वैल्यू लगभग 300 मिलियन डॉलर है।कंपनी ने FY26 को कई रणनीतिक बदलावों के बाद स्थिरता का साल बताया है और उम्मीद है कि FY27 और FY28 में उसकी नई रणनीति से रिकवरी शुरू होगी।

मार्जिन के मामले में Cyient ने पहले ही प्रगति की है; Q1 FY27 में EBIT मार्जिन बढ़कर 13.2% हो गया, जो पहले लगभग 12.2% था। मैनेजमेंट का लक्ष्य AI-आधारित रेवेन्यू ग्रोथ और ऑपरेटिंग कॉस्ट में दक्षता के जरिए मध्यम अवधि में 15% का लक्ष्य हासिल करना है।

JPMorgan के अनुसार, मैनेजमेंट जिन मुख्य पैमानों पर नजर रखेगा, उनमें खास तौर पर बड़े सौदों से ऑर्डर आने में डबल-डिजिट ग्रोथ और मार्जिन का 15% तक बढ़ना शामिल है।

शेयर पर क्या है ब्रोकरेज की राय

JPMorgan ने Cyient के लिए ‘ओवरवेट’ रेटिंग दी है और इसके लिए ₹1,050 प्रति शेयर का प्राइस टारगेट तय किया है। ब्रोकरेज का कहना है कि Cyient की नई रणनीति सही दिशा में आगे बढ़ती दिख रही है, लेकिन स्टॉक की री-रेटिंग के लिए इसे सही ढंग से लागू करना अहम होगा। JPMorgan ने ‘इन्वेस्टर डे’ पर कंपनी के बड़े सौदों पर फोकस, एन्युइटी-आधारित रेवेन्यू की ओर बदलाव और मार्जिन बढ़ाने की योजनाओं को मुख्य सकारात्मक बातें बताया।

इस बीच, मोतीलाल ओसवाल ने Cyient पर अपनी ‘Sell’ रेटिंग को दोहराया है और इसका प्राइस टारगेट ₹740 रखा है। इसका मतलब है कि मंगलवार की क्लोजिंग कीमत से इसमें लगभग 24% की गिरावट आ सकती है।

ब्रोकरेज का कहना है कि वह कंपनी के काम करने के तरीके (एग्जीक्यूशन) के बारे में बेहतर सबूत मिलने का इंतज़ार करेगा, क्योंकि रिकवरी में अभी समय लगेगा और FY27 में ऑर्गेनिक ग्रोथ के मोटे तौर पर स्थिर रहने की उम्मीद है।

हालांकि मोतीलाल ओसवाल Cyient के सेमीकंडक्टर से जुड़े मौकों को लेकर पॉजिटिव है, लेकिन उसका कहना है कि इस बिज़नेस को बड़ी वैल्यूएशन देने से पहले वह ‘प्रूफ ऑफ़ कॉन्सेप्ट’ का इंतज़ार करेगा।

इधर Emkay Global ने Cyient पर अपनी ‘Reduce’ रेटिंग बनाए रखी है और इसका प्राइस टारगेट ₹900 तय किया है। ब्रोकरेज का कहना है कि ऐसा लगता है कि मैनेजमेंट ने कंपनी की ग्रोथ में आने वाली मुख्य रुकावटों को दूर कर लिया है और अब उनके पास सही स्ट्रैटेजी और ज़रूरी साधन मौजूद हैं। हालांकि, उसने यह भी कहा कि उसकी राय और रेटिंग में बदलाव इस बात पर निर्भर करेगा कि कंपनी अपनी योजनाओं को कितनी अच्छी तरह लागू करती है।

Cyient पारंपरिक इंजीनियरिंग रिसर्च एंड डेवलपमेंट (ER&D) सर्विसेज़ से हटकर ज़्यादा बड़े ‘लाइफसाइकिल इंजीनियरिंग सर्विसेज़’ मॉडल की ओर बढ़ रही है। कंपनी का अनुमान है कि उसका एड्रेसेबल मार्केट पारंपरिक ER&D के लगभग $80-100 बिलियन के मौके से बढ़कर $2.4-3.2 ट्रिलियन के पूरे इंजीनियरिंग लाइफसाइकिल मौके तक फैल सकता है।

मंगलवार को Cyient के शेयर 4.54% बढ़कर ₹1022.15 पर बंद हुए और पिछले एक महीने में इस स्टॉक में 18% से ज़्यादा की बढ़त हुई है।

 

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