Petrol Diesel Price Today: पेट्रोल-डीजल के नए रेट जारी, चेक करें आपके शहर की कीमत

Petrol Diesel Price Today:  हर दिन की शुरुआत सिर्फ सूरज की किरणों से नहीं होती, बल्कि पेट्रोल और डीजल की नई कीमतों से भी होती है, जो आम आदमी की जेब पर सीधा असर डालती हैं। सुबह 6 बजे देश की तेल विपणन कंपनियां (OMCs) ताजा दरें जारी करती हैं, जो अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों और डॉलर-रुपए की विनिमय दर में आए बदलावों पर आधारित होती हैं। ये बदलाव रोजमर्रा की जिंदगी को प्रभावित करते हैं, चाहे वो ऑफिस जाने वाला व्यक्ति हो या फल-सब्जी बेचने वाला व्यापारी।

ऐसे में हर दिन की कीमतों की जानकारी रखना सिर्फ जरूरी ही नहीं, बल्कि समझदारी भी है। सरकार की यह प्रणाली पारदर्शिता सुनिश्चित करती है ताकि उपभोक्ताओं को किसी तरह की भ्रमित जानकारी न मिले।

आपके शहर में आज का पेट्रोल-डीजल का भाव

ये रहे 12 जुलाई 2026 के प्रमुख शहरों के पेट्रोल-डीजल के ताजा रेट —

नई दिल्ली: पेट्रोल 102.12 रुपये | डीजल 95.20 रुपये

मुंबई: पेट्रोल 111.18 रुपये | डीजल 97.83 रुपये

कोलकाता: पेट्रोल 113.47 रुपये | डीजल 99.82 रुपये

चेन्नई: पेट्रोल 107.77 रुपये | डीजल 99.55 रुपये

गुरुग्राम: पेट्रोल 102.77 रुपये | डीजल 95.44 रुपये

नोएडा: पेट्रोल 102.12 रुपये | डीजल 95.56 रुपये

बेंगलुरु: पेट्रोल 110.93 रुपये | डीजल 98.80 रुपये

भुवनेश्वर: पेट्रोल 109.92 रुपये | डीजल 100.92 रुपये

चंडीगढ़: पेट्रोल 98.10 रुपये | डीजल 86.09 रुपये

हैदराबाद: पेट्रोल 115.69 रुपये | डीजल 103.82 रुपये

जयपुर: पेट्रोल 112.66 रुपये | डीजल 97.78 रुपये

लखनऊ: पेट्रोल 102.05 रुपये | डीजल 95.55 रुपये

पटना: पेट्रोल 113.35 रुपये | डीजल 99.36 रुपये

तिरुवनंतपुरम: पेट्रोल 115.49 रुपये | डीजल 104.40 रुपये

पिछले दो साल से स्थिर क्यों हैं कीमतें?

मई 2022 के बाद से केंद्र और कई राज्यों द्वारा टैक्स में कटौती की गई, जिसके बाद पेट्रोल-डीजल की कीमतों में स्थिरता देखी जा रही है। हालांकि अंतरराष्ट्रीय बाजार में उतार-चढ़ाव होता रहता है, फिर भी भारतीय उपभोक्ताओं के लिए कीमतें तुलनात्मक रूप से स्थिर बनी हुई हैं।

किन कारणों से तय होती हैं ईंधन की कीमतें?

  1. कच्चे तेल की कीमतें:

पेट्रोल और डीजल का उत्पादन मुख्य रूप से कच्चे तेल से होता है। जब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की कीमतें बढ़ती हैं, तो इसका असर सीधे भारतीय बाजार पर पड़ता है।

  1. डॉलर के मुकाबले रुपया:

भारत अधिकतर कच्चा तेल आयात करता है, और यह डॉलर में खरीदा जाता है। यदि रुपया कमजोर होता है, तो ईंधन महंगा हो जाता है।

  1. सरकारी टैक्स और शुल्क:

केंद्र और राज्य सरकारें पेट्रोल-डीजल पर भारी टैक्स लगाती हैं, जो खुदरा मूल्य का बड़ा हिस्सा होते हैं। यही कारण है कि राज्यों में कीमतों में अंतर होता है।

  1. रिफाइनिंग की लागत:

कच्चे तेल को इस्तेमाल लायक बनाने की प्रक्रिया (रिफाइनिंग) में भी खर्च होता है। ये लागत कच्चे तेल की गुणवत्ता और रिफाइनरी की क्षमता पर निर्भर करती है।

  1. मांग और आपूर्ति का संतुलन:

बाजार में ईंधन की मांग अगर बढ़ जाती है, तो कीमतें भी ऊपर जाने लगती हैं। खासकर त्योहारों, गर्मी या सर्दी के मौसम में ईंधन की खपत ज्यादा होती है।

कैसे करें अपने शहर की कीमतें SMS से चेक?

अगर आप मोबाइल से ईंधन की कीमत जानना चाहते हैं, तो ये प्रक्रिया आसान है:

Indian Oil ग्राहक: अपने शहर का कोड टाइप करें और उसे “RSP” के साथ 9224992249 पर भेजें।

BPCL ग्राहक: “RSP” लिखकर 9223112222 पर भेजें।

HPCL ग्राहक: “HP Price” लिखकर 9222201122 पर भेजें।

Gold Rate Today: सोना एक हफ्ते में ₹4370 तक हुआ सस्ता, चांदी ₹15000 लुढ़की

देश में सोने की कीमत में वीकली बेसिस पर गिरावट देखी गई है। एक सप्ताह में 24 कैरेट गोल्ड की कीमत 4370 रुपये तक ​टूटी है। वहीं 22 कैरेट गोल्ड का भाव 4000 रुपये तक फिसला है। आज 12 जुलाई को राजधानी दिल्ली में सुबह के वक्त 24 कैरेट गोल्ड 144480 रुपये प्रति 10 ग्राम पर है। मुंबई में कीमत 144330 रुपये प्रति 10 ग्राम है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में हाजिर सोना 4,106.25 डॉलर प्रति औंस पर है।

एक्सपर्ट्स का मानना है कि हालिया उतार-चढ़ाव के बावजूद सोने की कीमतों में किसी बड़ी गिरावट की उम्मीद बहुत कम है। सोना मौजूदा स्तरों पर अपना एक मजबूत आधार बना चुका है। अगर यहां से कीमतों में कोई गिरावट आती भी है, तो उसके महज 5% तक ही सीमित रहने की संभावना है। घरेलू बाजार में सोने को ₹1.35 लाख प्रति 10 ग्राम के स्तर पर बेहद मजबूत सपोर्ट पर है। इसलिए ग्राहकों को बहुत ज्यादा दाम गिरने की उम्मीद में अपनी खरीदारी को टालना नहीं चाहिए।

देश के कुछ बड़े शहरों में गोल्ड रेट

दिल्ली में सोने की कीमतदिल्ली में 24 कैरेट सोने की कीमत 144480 रुपये प्रति 10 ग्राम है। 22 कैरेट का भाव 132450 रुपये प्रति 10 ग्राम है।

मुंबई और कोलकाता: मुंबई और कोलकाता में 22 कैरेट सोने की कीमत 132300 रुपये प्रति 10 ग्राम, जबकि 24 कैरेट सोने की कीमत 144330 रुपये प्रति 10 ग्राम है।

चेन्नई में सोने की कीमत: 24 कैरेट सोने की कीमत 145090 रुपये प्रति 10 ग्राम है। 22 कैरेट का भाव 133000 रुपये प्रति 10 ग्राम है।

पुणे और बेंगलुरु में कीमत: इन दोनों शहरों में 24 कैरेट गोल्ड की कीमत 144330 रुपये प्रति 10 ग्राम और 22 कैरेट गोल्ड की कीमत 132300 रुपये प्रति 10 ग्राम है।

शहर22 कैरेट सोने का आज का भाव (₹)24 कैरेट सोने का आज का भाव (₹)
दिल्ली132450144480
मुंबई132300144330
अहमदाबाद132350144380
चेन्नई133000145090
कोलकाता132300144330
हैदराबाद132300144330
जयपुर132450144480
भोपाल132350144380
लखनऊ132450144480
चंडीगढ़132450144480

चांदी की कीमत

सोने की तरह चांदी की कीमत में भी वीकली बेसिस पर गिरावट है। एक सप्ताह में भाव 15000 रुपये नीचे आया है। 12 जुलाई की सुबह चांदी की कीमत 235000 रुपये प्रति किलोग्राम है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में हाजिर चांदी यानि कि स्पॉट सिल्वर की कीमत 59.54 डॉलर प्रति औंस पर है।

16 साल की उम्र में क्रेक किया AIIMS एग्जाम, 22 साल की उम्र में बना IAS अधिकारी, नहीं भरा मन तो 2,000 करोड़ रुपये से ज्यादा की खड़ी कर दी कंपनी

लाखों भारतीय छात्रों के लिए, AIIMS में दाखिला लेना या UPSC सिविल सेवा परीक्षा पास करना जीवन भर का सपना होता है। ज़्यादातर छात्र इनमें से किसी एक लक्ष्य को पाने के लिए सालों तक तैयारी करते हैं। रोमन सैनी ने 23 साल की उम्र तक ये दोनों ही मुकाम हासिल कर लिए थे।

लेकिन भारत की सबसे प्रतिष्ठित सरकारी नौकरियों में से एक को चुनने के बजाय, उन्होंने एक ऐसा फैसला किया जिसकी किसी को उम्मीद नहीं थी। उन्होंने एक एजुकेशन स्टार्टअप बनाने के लिए IAS की नौकरी छोड़ दी। यह कदम आगे चलकर एक ऐसी कंपनी में बदल गया जिसकी कीमत आज 2,000 करोड़ रुपये से ज़्यादा है।

राजस्थान के जयपुर में एक मध्यम-वर्गीय परिवार में जन्मे सैनी ने कम उम्र से ही पढ़ाई-लिखाई में अपनी काबिलियत दिखाई थी। 2008 में, उन्होंने सिर्फ़ 16 साल की उम्र में AIIMS की प्रवेश परीक्षा पास कर ली। उस समय, AIIMS की अपनी मेडिकल प्रवेश परीक्षा होती थी। 2020 में इसे नेशनल एलिजिबिलिटी कम एंट्रेंस टेस्ट (NEET) में मिला दिया गया।

उन्होंने मेडिकल की पढ़ाई के लिए AIIMS नई दिल्ली में दाखिला लिया और 21 साल की उम्र तक अपना MBBS पूरा कर लिया। ग्रेजुएशन के बाद, उन्होंने उसी संस्थान में जूनियर रेजिडेंट डॉक्टर के तौर पर काम किया। मेडिकल के क्षेत्र में उनका करियर आगे बढ़ सकता था, लेकिन सैनी एक और चुनौती लेने के लिए तैयार थे।

उन्होंने देश की सबसे मुश्किल प्रतियोगी परीक्षाओं में से एक, UPSC सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी शुरू की। उनकी कड़ी मेहनत रंग लाई। 22 साल की उम्र में, उन्होंने अपने पहले ही प्रयास में परीक्षा पास कर ली और शानदार ऑल इंडिया रैंक (AIR) 18 हासिल की। ​​वे इंडियन एडमिनिस्ट्रेटिव सर्विस (IAS) के 2014 बैच में शामिल हुए और उन्हें मध्य प्रदेश कैडर मिला।

कई उम्मीदवारों के लिए, IAS अफ़सर बनना ही आख़िरी मंज़िल होती है। लेकिन सैनी के लिए, यह बस एक और पड़ाव था। लगभग एक साल तक नौकरी करने के बाद, उन्होंने सिविल सर्विस छोड़ने और एक अलग लक्ष्य की ओर काम करने का फ़ैसला किया: पूरे भारत में छात्रों तक अच्छी क्वालिटी की शिक्षा पहुँचाना।

2015 में, उन्होंने इंजीनियर से यूट्यूबर बने गौरव मुंजाल और हेमेष सिंह के साथ मिलकर ‘अनएकेडमी’ (Unacademy) की शुरुआत की। सोच सीधी-सी थी: कॉम्पिटिटिव एग्ज़ाम की तैयारी करने वाले छात्र कोचिंग क्लास पर लाखों रुपये खर्च किए बिना टॉप एजुकेटर्स से सीख सकें।

यह वेंचर एक YouTube चैनल के तौर पर शुरू हुआ था, जिस पर मुफ़्त एजुकेशनल वीडियो मिलते थे। जैसे-जैसे ज़्यादा छात्र इस प्लेटफ़ॉर्म का इस्तेमाल करने लगे, यह एक पूरी तरह से ऑनलाइन लर्निंग कंपनी बन गई, जिसमें UPSC, IIT-JEE, NEET और कई दूसरे कॉम्पिटिटिव एग्ज़ाम के लिए लाइव क्लास, रिकॉर्डेड लेक्चर, मॉक टेस्ट और कोर्स उपलब्ध थे।

जल्द ही अनएकेडमी एडटेक सेक्टर में भारत के सबसे बड़े नामों में से एक बन गई। रिपोर्ट्स के मुताबिक, ऑनलाइन लर्निंग के दौर में इसने बड़े इन्वेस्टर्स को आकर्षित किया और इसकी वैल्यूएशन लगभग 28,700 करोड़ रुपये (3.44 बिलियन डॉलर) तक पहुँच गई थी। 2026 के मध्य तक, इसकी वैल्यूएशन लगभग 2,055 करोड़ रुपये है और कंपनी को upGrad द्वारा खरीदा जा रहा है।

सैनी का सफ़र हाल ही में X (पहले Twitter) पर फिर से चर्चा में आया, जहाँ लोगों ने न सिर्फ़ उनकी उपलब्धियों की तारीफ़ की, बल्कि उस हिम्मत की भी सराहना की जिसके तहत उन्होंने अपना रास्ता बदला, जबकि कई लोग सुरक्षित करियर में बने रहना पसंद करते।

एक यूज़र ने कमेंट किया, “अद्भुत कहानी। कभी-कभी रिस्क लेना फायदेमंद होता है।” एक और ने कहा, “यह इस बात का सबूत है कि सफलता का मतलब सिर्फ़ एक ही रास्ते पर चलना नहीं, बल्कि अपना रास्ता खुद बनाना है। रोमन सैनी के लिए बहुत सम्मान।”एक ने लिखा, “डॉक्टर, IAS, एंटरप्रेन्योर। हर पड़ाव पर खुद को नए सिरे से ढालने की हिम्मत बहुत कम लोगों में होती है।

NSE दुनिया के 30 से ज्यादा इनवेस्टर्स को इस महीने अपने आईपीओ के बारे में बताएगा

एनएसई इस महीने दुनिया के 30 से ज्यादा बड़े इनवेस्टर्स को अपने आईपीओ के बारे में जानकारी देगी। एक्सचेंज ने पिछले महीने सेबी के पास ड्राफ्ट पेपर्स फाइल किए थे। इस साल दो बड़े मेगा आईपीओ बाजार में आने वाले हैं। एनएसई के अलावा जियो प्लेटफॉर्म्स का भी आईपीओ आने वाला है। ये दोनों ही बड़े आईपीओ होंगे।

एनएसई के आईपीओ के बारे में जानकारी देने वाले सूत्रों ने बताया कि अगले हफ्ते इनवेस्टर मीटिंग्स शुरू हो जाने की उम्मीद है। एक्सचेंज के शेयरों की लिस्टिंग अक्तूबर में हो जाने की उम्मीद है। इस बारे में पूछने पर एनएसई के प्रवक्ता ने कहा कि एक्सचेंज ने रेगुलेटर के पास पेपर फाइल कर दिए हैं। इस वक्त इस बारे में इससे ज्यादा जानकारी नहीं दी जा सकती।

रायटर्स ने पिछले महीने अपने सूत्रों और प्राइवेट मार्केट ट्रेड्स के हवाले से बताया था कि एनएसई का आईपीओ 3.3 अरब डॉलर का हो सकता है। एनएसई के मौजूदा शेयरहोल्डर्स आईपीओ में करीब 6 फीसदी हिस्सेदारी बेच सकते हैं। भारत के दूसरे बड़े एक्सचेंज BSE का आईपीओ 2017 में आया था। लिस्टिंग के बाद से बीएसई के शेयर की कीमत 30 गुना से ज्यादा हो गई है।

बीएसई का मुकाबला एनएसई से है। बीते कुछ सालों में बीएसई के प्रदर्शन में सुधार दिखा है। FY26 में इसकी रेवेन्यू ग्रोथ 88 फीसदी रही। एनएसई के रेवेन्यू में इस दौरान 3 फीसदी की गिरावट आई। इसमें डेरिवेटिव्स ट्रेडिंग के सेबी के सख्त नियमों का ब़ड़ा हाथ है। हालांकि, एनएसई का रेवेन्यू बीएसई का करीब छह गुना है।

NSE इनवेस्टर्स को अपने संभावित प्रदर्शन के बारे में बताएगा। वह इनवेस्टर्स को बताएगा कि अगले पांच सालों में कैश इक्विटीज और इक्विटीज फ्यूचर्स की सालाना टर्नओवर ग्रोथ 12 फीसदी रह सकती है। इक्विटी ऑप्शंस की ग्रोथ अगले पांच सालों में सालाना 10 फीसदी रह सकती है। अभी इक्विटी फ्यूचर्स ट्रेडिंग में एनएसई की हिस्सेदारी 100 फीसदी है। कैश मार्केट में हिस्सेदारी 93 फीसदी है और इक्विटी ऑप्शंस में 75 फीसदी है।

एनएसई ने कहा है कि भारत में शेयर बाजार तक लोगों की पहुंच अभी विकसित देशों के मुकाबले बहुत कम है। इसलिए शेयर ट्रेडिंग का वॉल्यूम बढ़ने की काफी ज्यादा संभावना है। एनएसई को करेंसी डेरिवेटिव्स मार्केट में भी अपनी ग्रोथ 15 फीसदी रहने की उम्मीद है। एनएसई का सीनियर मैनेजमेंट अगले हफ्ते से संस्थागत निवेशकों से मुलाकात का सिलसिला शुरू करेगा। मैनेजमेंट सिंगापुर, मलेशिया, हांगकांग इस महीने के अंत तक रोडशो कर सकता है।

Trip To London: पाउंड को रुपए में गिनेंगे तो चाय भी नहीं पी सकेंगे

Trip To London

Trip To London: जब भी पर्यटन के लिए विदेश जाएं तो भारतीय रुपए में मूल्य आंकना मुसीबत खड़ी करेगा। वजह साफ है कि विश्व की अधिकांश लेन-देन की मुद्रा का मूल्य रुपए से कई गुना ज्यादा है। प्रमुख तौर पर डॉलर 95 रुपए का, पाउंड 130 रुपए का, यूरो 111 का, कुवैती दीनार सबसे महंगा 310 का और दुबई का दिरहम 26 रुपए का। इसलिए ब्रिटेन में चाय जब 450 रुपए की आती है तो हम लोग एक खाली गिलास मांगकर कट मार लेते हैं।

 

लंदन चूंकि विश्व के पहले पांच महंगे शहर में है तो आपका बजट तो गड़बड़ाएगा ही। सर्वाधिक महंगा सिंगापुर है। इसलिए पहले से मानसिक और आर्थिक तैयारी जरूरी है। वहां यदि आपका कोई परिजन है तो पहले चर्चा कर तय कर लें कि कौन-सी खाद्य सामग्री ले जाना है और कौन-सी वहां से खरीदना है। विशेष तौर पर दाल, सब्जी, राजमा, पोहे, उपमा, चाय का रेडी टू इट वाला सामान साथ लिया जा सकता है। यदि एकाध हफ्ता रुकना है तो 15 किलो की एक अटैची में खाने का सामान रखना समझदारी होगी। यदि बजट की चिंता नहीं है तो कोई बात नहीं। मैं आपको मोटे पर लगने वाली सामग्री की लंदन की दरें बता देता हूं, जो मई 2026 में वहां थीं।

ये मध्यम बजट की दरें हैं

रेस्टारेंट में एक व्यक्ति का खाना 2,500 का, दो का करीब 10 हजार का। याने 20 से 80 पाउंड तक। कैपेचिनो कॉफी 530 रुपए की, मसाला डोसा 1300 रुपए का, छोले-भटूरे 1500 रुपए के, पानी की बोतल 80 से 200 तक की, दूध 182 रुपए लीटर, ब्रेड 212 की, जो हमें 40 में मिल जाती है। चावल एक किलो 235 का, 12 अंडे 500 के। इसी तरह से मोबाइल का 10 जीबी डाटा 1755 रुपए का, जो यहां 400 में मिलता है। ब्रॉडबैंड 4,000 का जो यहां 775 में मिलता है। पेट्रोल-डीजल 150-170 रुपए लीटर है।

 

सब्जियों के भाव सुनकर दहशत में आ सकते हैं। खीरा 3 नग 130 रुपए के, गाजर करीब 600 रुपए किलो, पत्ता गोभी एक नग 90 रुपए की, नींबू 120 रुपए का। केले 155 के एक किलो (जिसमें 6-7 आएंगे), आलू 165 रुपए किलो, प्याज 150 रुपए किलो। भाव का यह अंतर रुपए और पाउंड के मूल्य में फर्क का नतीजा तो है ही, वहां महंगाई का स्तर भी ऊंचा है।

एक विश्लेषण के अनुसार यदि इंदौर व लंदन का तुलनात्मक अध्ययन करें तो लंदन की बजाय इंदौर में जीवन स्तर 79.6 प्रतिशत सस्ता है। मकान, दुकान, ऑफिस का किराया 94.3 प्रतिशत सस्ता है। इंदौर में रेस्टारेंट 84.4 प्रतिशत, किराना 71.3 प्रतिशत सस्ता है। हमारी क्रय शक्ति लंदन वालों की बजाय 50.6 प्रतिशत अधिक है। यदि इंदौर में रहने के लिए 1011 पाउंड (एक लाख 30 हजार 460 रुपए) चाहिए तो लंदन वाले को 6900 पाउंड (8 लाख 90 हजार 100 रुपए) चाहिए। स्वाभाविक रूप से प्रॉपर्टी भी मंहगी है। मध्यमवर्गीय इलाके में 2 बेडरूम का फ्लैट औसत सवा चार करोड़ रुपए से पौने सात करोड़ रुपए का आएगा। याने 4 लाख से साढ़े 6 लाख पाउंड में। इतनी रकम में इंदौर में शानदार 3-4 हजार वर्गफीट का बंगला मिल जाएगा। 

 

इसे एक दूसरे तरीके से भी समझ सकते हैं। लंदन में औसत प्रति व्यक्ति मासिक खर्च 1500 पाउंड याने 18 हजार पाउंड वार्षिक (23 लाख 32 हजार रुपए है) होता है। इंदौर में औसत खर्च 15 हजार से 25 हजार रुपए याने अधिकतम 3 लाख रुपए वार्षिक होता है। इस तरह लंदन हमसे करीब 8 गुना अधिक महंगा है। यह विश्लेषण ग्लोबल वेल्थ एंड लाइफस्टाइल का है, जो बताता है कि सिंगापुर व लंदन काफी महंगे शहर हैं। लंदन में जहां 4 व्यक्तियों के रुकने लायक जो अपार्टमेंट औसत 20-25 हजार रुपए रोज वाले मिलेंगे, वे एडिनबरा (स्कॉटलैंड) में 35 हजार रुपए रोज के रहेंगे। यहां अपेक्षाकृत सीमित सुविधा व अत्यधिक पर्यटकों की वजह से मंहगाई अधिक है, क्योंकि यह लंदन से प्राकृतिक रूप से अधिक खूबसूरत है।

अपार्टमेंट में रूम सर्विस या रोजाना सफाई जैसी कोई सुविधा नहीं होती। वहां हफ्ते में तय दिन सफाई के लिये कोई आएगा। अपार्टमेंट व कमरे के लॉक डिजिटल होते हैं, जो आपको बुकिंग होने पर बता दिए जाएंगे। एडिनबरा में तो मेन गेट के बाहर एक बॉक्स होता है, जिसका नंबर आपको दे देंगे। वह सही हुआ तो बॉक्स खोलकर कमरे की चाबी मिल जाएगी। यदि कुछ गड़बड़ हो तो पचते रहो, कोई मदद नहीं मिलेगी, क्योंकि कोई सुरक्षा गार्ड नहीं होता।

 

ब्रिटेन व यूरोप में भी ज्यादातर मकानों के दरवाजे-खिड़कियां कांच के होते हैं, जिनमें सरियों की ग्रिल नहीं होती। इसका आशय यही है कि वहां ग्रिल उखाड़कर या दरवाजे तोड़कर चोरियां नहीं होतीं। ऐसा भी नहीं है कि चोरियां नहीं होतीं। लंदन के व्यस्त इलाकों में विशेष तौर पर आई फोन की लूट काफी होती हैं। ये काम ई-बाइक गिरोह व नकाबपोश करते हैं, जो राह चलते उन लोगों के फोन उड़ा लेते हैं, जो बात करते हुए चलते हैं।

 

2024-25 में एक लाख 6 हजार आई फोन चोरी हुए थे। ये फोन चीन में बेच दिए जाते हैं। वहां इन्हें नए सिरे से असेंबल कर विश्व बाजार में फिर बेच देते हैं। यह करीब एक हजार करोड़ रुपए का चोरी के आई फोन का कारोबार है। अधिकांश फोन हांगकांग व चीन भेज दिए जाते हैं, जहां रि-सेट, रि-प्रोग्रामिंग कर फिर से बेच दिए हैं। (क्रमश:) -लेखक स्वतंत्र पत्रकार हैं। 

विदेशी निवेशकों के खरीदारी शुरू करने से बाजार में लौटी रौनक, जुलाई में 1968 करोड़ रुपये की खरीदारी की

विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) का रुख भारतीय शेयर बाजारों को लेकर बदला है। उन्होंने 10 जुलाई को भी भारतीय बाजार में अच्छी खरीदारी की। उन्होंने 2,603.72 करोड़ रुपये मूल्य के शेयर खरीदे। घरेलू संस्थागत निवशकों (डीआईआई) ने भी 2,019.68 करोड़ रुपये की खरीदारी की। यह जानकारी स्टॉक एक्सचेंजों के प्रोविजनल डेटा पर आधारित है। एफआईआई और डीआईआई की खरीदारी से 10 जुलाई को भारतीय बाजार में अच्छी रौनक दिखी।

10 जुलाई को ज्यादातर सूचकांकों में रही तेजी

बाजार के प्रमुख सूचकांक निफ्टी और सेंसेक्स सहित सभी दूसरे सूचकांक 10 जुलाई को हरे निशान में बंद हुए। Nifty 1.02 फीसदी यानी 244.10 अंक चढ़कर 24,206 पर बंद हुआ। सेंसेक्स 1.08 फीसदी यानी 827 अंक के उछाल के साथ 77,569 पर क्लोज हुआ। बैंक निफ्टी में 1.39 फीसदी की तेजी आई। निफ्टी एफएमसीजी इंडेक्स को छोड़ बाकी सभी सूचकांक हरे निशान में बंद हुए। 9 जुलाई को भी बाजार के प्रमुख सूचकांक हरे निशान में बंद हुए थे। 8 जुलाई को बाजार में बड़ी गिरावट आई थी, जिसकी वजह अमेरिका और ईरान के बीच सीजफायर टूटना था।

10 जुलाई को FIIs ने की 2019 करोड़ रुपये की खरीदारी

FII ने 10 जुलाई को 15,318.07 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे, जबकि 12.714.35 करोड़ रुपये के शेयर बेचे। इस तरह भारतीय बाजार में उनकी शुद्ध खरीदारी 2,603.73 करोड़ रुपये की रही। DII ने 17,171.75 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे, जबकि 15,152.07 करोड़ रुपये के शेयर बेचे। इस तरह उनकी शुद्ध खरीदारी 2,019 करोड़ रुपये की रही। डीआआई ने लगातार खरीदारी कर घरेलू शेयर बाजार को सहारा दिया है।

विदेशी निवेशकों की खरीदारी जारी रही तो चढ़ेगा बाजार

विदेशी संस्थागत निवेशकों के रुख में बदलाव दिख रहा है। जुलाई में अब तक विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs/FPIs) ने भारतीय बाजारों में शुद्ध रूप से खरीदारी की है। उन्होंने इस महीने 1,968.81 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे हैं। इस दौरान DII ने 9,245.91 करोड़ रुपये की खरीदारी की है। एक्सपर्ट्स का कहना है कि विदेशी संस्थागत निवेशकों का लौटना भारतीय शेयर बाजारों के लिए शुभ संकेत है। अगर आगे वे खरीदारी जारी रखते हैं तो बाजार में तेज रिकवरी आ सकती है।

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निवेशकों की नजरें जून तिमाही के नतीजों पर

ब्रोकरेज फर्म मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेज के रिसर्च हेड (वेल्थ मैनेजमेंट) सिद्धार्थ खेमका ने कहा कि इनवेस्टर्स का फोकस अब जून तिमाही के कंपनियों के नतीजों पर है। आगे इन नतीजों से बाजार की दिशा तय होगी। डॉलर के मुकाबले रुपये में स्थिरता है। अगर क्रूड की कीमतें भी स्टेबल रहती हैं तो बाजार का सेंटिमेंट पॉजिटिव रह सकता है। हालांकि, अमेरिका और ईरान के बीच डील को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है। यह बाजार के लिए बड़ा रिस्क है।

डिसक्लेमर: मनीकंट्रोल पर एक्सपर्ट्स की तरफ से व्यक्त विचार उनके अपने विचार होते हैं। ये वेबसाइट या इसके मैनेजमेंट के विचार नहीं होते। मनीकंट्रोल की यूजर्स को सलाह है कि उन्हें निवेश का फैसला लेने से पहले सर्टिफायड एक्सपर्ट्स की राय लेनी चाहिए।

Gold Rate Today: सोना लगातार दूसरे दिन महंगा, दिल्ली से लेकर चेन्नई तक चढ़ा; चेक करें नया भाव

देश में सोने की कीमत में लगातार दूसरे दिन तेजी है। 11 जुलाई की सुबह ज्यादातर शहरों में कीमत और चढ़ गई है। राजधानी दिल्ली में 24 कैरेट गोल्ड की कीमत बढ़कर 144960 रुपये प्रति 10 ग्राम हो गई है। मुंबई में भाव 144830 रुपये प्रति 10 ग्राम पर है। डॉलर में आई कमजोरी की वजह से कीमती धातुओं की डिमांड बढ़ी। अंतरराष्ट्रीय बाजार में हाजिर सोना 4,106.25 डॉलर प्रति औंस हो गया है। एक दिन पहले दिल्ली के सराफा बाजार में सोने की कीमत में 400 रुपये की तेजी दर्ज की गई।

देश के कुछ बड़े शहरों में गोल्ड रेट

दिल्ली में सोने की कीमतदिल्ली में 24 कैरेट सोने की कीमत 144960 रुपये प्रति 10 ग्राम है। 22 कैरेट का भाव 132910 रुपये प्रति 10 ग्राम है।

मुंबई और कोलकाता: मुंबई और कोलकाता में 22 कैरेट सोने की कीमत 132760 रुपये प्रति 10 ग्राम, जबकि 24 कैरेट सोने की कीमत 144830 रुपये प्रति 10 ग्राम है।

चेन्नई में सोने की कीमत: 24 कैरेट सोने की कीमत 145650 रुपये प्रति 10 ग्राम है। 22 कैरेट का भाव 133510 रुपये प्रति 10 ग्राम है।

पुणे और बेंगलुरु में कीमत: इन दोनों शहरों में 24 कैरेट गोल्ड की कीमत 144830 रुपये प्रति 10 ग्राम और 22 कैरेट गोल्ड की कीमत 132760 रुपये प्रति 10 ग्राम है।

शहर22 कैरेट सोने का आज का भाव (₹)24 कैरेट सोने का आज का भाव (₹)
दिल्ली132910144960
मुंबई132760144830
अहमदाबाद132810144880
चेन्नई133510145650
कोलकाता132760144830
हैदराबाद132760144830
जयपुर132910144960
भोपाल132810144880
लखनऊ132910144960
चंडीगढ़132910144960

 

Silver Rate Today July 11: चांदी के दाम में फिर हलचल, जानें- 11 जुलाई को 10 ग्राम और 1 किलो सिल्वर का रेट

Silver Price Today: अमेरिका और ईरान के बीच जारी तनाव के चलते वैश्विक बाजारों में अनिश्चितता बनी हुई है। इसका असर चांदी की कीमतों पर भी देखने को मिल रहा है। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर कारोबार के दौरान दोनों कीमती धातुओं में उतार-चढ़ाव दर्ज किया गया। हालांकि घरेलू सर्राफा बाजार में सोने के खुदरा भाव ऊंचे स्तर पर बने हुए हैं। सीजफायर समाप्त होने के बाद चांदी की कीमतों में लगातार उतार-चढ़ाव का दौर जारी है।

घरेलू और वैश्विक बाजारों में बदलते रुझानों के बीच आज यानी 11 जुलाई को भारत में चांदी का खुदरा भाव 240.10 रुपये प्रति ग्राम और 2,40,100 रुपये प्रति किलोग्राम दर्ज किया गया है। निवेशकों और आभूषण खरीदारों की नजरें फिलहाल चांदी के भाव पर बनी हुई हैं।

MCX पर कैसी रही चांदी की चाल?

मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर 4 सितंबर डिलीवरी वाली सिल्वर फ्यूचर्स 2,30,015 रुपये प्रति किलोग्राम पर खुली। कारोबार के दौरान इसमें गिरावट देखने को मिली और यह 2,28,925 रुपये प्रति किलोग्राम के इंट्राडे लो तक पहुंच गई। बाद में चांदी 2,29,401 रुपये प्रति किलोग्राम पर कारोबार करती नजर आई, जो पिछले बंद भाव के मुकाबले 1,456 रुपये (0.63%) कम थी।

आज का चांदी का रेट

चांदी (प्रति ग्राम): ₹240.10

चांदी (10 ग्राम): ₹2,401

चांदी (100 ग्राम): ₹24,010

चांदी (1 किलोग्राम): ₹2,40,100

क्यों बदल रही है चांदी की कीमत?

बागलकोट में चांदी की ताजा कीमतें इस प्रकार हैं:-

10 ग्राम के लिए ₹2,400, 100 ग्राम के लिए ₹24,000 और 1 किलोग्राम के लिए ₹2,40,000 देना होगा। जुलाई के ट्रेंड्स को देखें तो चांदी की कीमतों में काफी उतार-चढ़ाव रहा है। 100 ग्राम के लिए सबसे ज्यादा कीमत ₹25,000 दर्ज की गई। जबकि सबसे कम कीमत ₹0 तक पहुंच गई। 1 किलोग्राम के मामले में, चांदी की कीमतें ₹2,50,000 और ₹0 के बीच रहीं।

चांदी में बिकवाली

4 सितंबर डिलीवरी वाली सिल्वर फ्यूचर्स 2,30,015 रुपये प्रति किलोग्राम पर खुली। जबकि पिछले सत्र में इसका बंद भाव 2,30,857 रुपये था। कारोबार के दौरान चांदी 2,28,925 रुपये प्रति किलोग्राम तक लुढ़क गई। बाद में यह 2,29,401 रुपये प्रति किलोग्राम पर कारोबार करती दिखी, जो पिछले बंद भाव से 1,456 रुपये (0.63%) कम है।

चांदी के दाम अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतों, डॉलर की चाल, औद्योगिक मांग, वैश्विक आर्थिक हालात और निवेशकों की खरीद-बिक्री पर निर्भर करते हैं। इलेक्ट्रॉनिक्स, सोलर पैनल और अन्य उद्योगों में बढ़ती मांग भी चांदी की कीमतों को प्रभावित करती है। चांदी के खुदरा दाम शहर, ज्वेलर और टैक्स के अनुसार थोड़े अलग हो सकते हैं। खरीदारी से पहले स्थानीय सर्राफा बाजार से ताजा कीमत की पुष्टि करना उचित रहेगा।

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Petrol Diesel Price Today: आज जारी हुए पेट्रोल-डीजल के नए रेट, जानें आपके शहर का भाव

Petrol Diesel Price Today:  हर दिन की शुरुआत सिर्फ सूरज की किरणों से नहीं होती, बल्कि पेट्रोल और डीजल की नई कीमतों से भी होती है, जो आम आदमी की जेब पर सीधा असर डालती हैं। सुबह 6 बजे देश की तेल विपणन कंपनियां (OMCs) ताजा दरें जारी करती हैं, जो अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों और डॉलर-रुपए की विनिमय दर में आए बदलावों पर आधारित होती हैं। ये बदलाव रोजमर्रा की जिंदगी को प्रभावित करते हैं, चाहे वो ऑफिस जाने वाला व्यक्ति हो या फल-सब्जी बेचने वाला व्यापारी।

ऐसे में हर दिन की कीमतों की जानकारी रखना सिर्फ जरूरी ही नहीं, बल्कि समझदारी भी है। सरकार की यह प्रणाली पारदर्शिता सुनिश्चित करती है ताकि उपभोक्ताओं को किसी तरह की भ्रमित जानकारी न मिले।

आपके शहर में आज का पेट्रोल-डीजल का भाव

ये रहे 11 जुलाई 2026 के प्रमुख शहरों के पेट्रोल-डीजल के ताजा रेट —

नई दिल्ली: पेट्रोल 102.12 रुपये | डीजल 95.20 रुपये

मुंबई: पेट्रोल 111.18 रुपये | डीजल 97.83 रुपये

कोलकाता: पेट्रोल 113.47 रुपये | डीजल 99.82 रुपये

चेन्नई: पेट्रोल 107.77 रुपये | डीजल 99.55 रुपये

गुरुग्राम: पेट्रोल 102.77 रुपये | डीजल 95.44 रुपये

नोएडा: पेट्रोल 102.12 रुपये | डीजल 95.56 रुपये

बेंगलुरु: पेट्रोल 110.93 रुपये | डीजल 98.80 रुपये

भुवनेश्वर: पेट्रोल 109.92 रुपये | डीजल 100.92 रुपये

चंडीगढ़: पेट्रोल 98.10 रुपये | डीजल 86.09 रुपये

हैदराबाद: पेट्रोल 115.69 रुपये | डीजल 103.82 रुपये

जयपुर: पेट्रोल 112.66 रुपये | डीजल 97.78 रुपये

लखनऊ: पेट्रोल 102.05 रुपये | डीजल 95.55 रुपये

पटना: पेट्रोल 113.35 रुपये | डीजल 99.36 रुपये

तिरुवनंतपुरम: पेट्रोल 115.49 रुपये | डीजल 104.40 रुपये

पिछले दो साल से स्थिर क्यों हैं कीमतें?

मई 2022 के बाद से केंद्र और कई राज्यों द्वारा टैक्स में कटौती की गई, जिसके बाद पेट्रोल-डीजल की कीमतों में स्थिरता देखी जा रही है। हालांकि अंतरराष्ट्रीय बाजार में उतार-चढ़ाव होता रहता है, फिर भी भारतीय उपभोक्ताओं के लिए कीमतें तुलनात्मक रूप से स्थिर बनी हुई हैं।

किन कारणों से तय होती हैं ईंधन की कीमतें?

  1. कच्चे तेल की कीमतें:

पेट्रोल और डीजल का उत्पादन मुख्य रूप से कच्चे तेल से होता है। जब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की कीमतें बढ़ती हैं, तो इसका असर सीधे भारतीय बाजार पर पड़ता है।

  1. डॉलर के मुकाबले रुपया:

भारत अधिकतर कच्चा तेल आयात करता है, और यह डॉलर में खरीदा जाता है। यदि रुपया कमजोर होता है, तो ईंधन महंगा हो जाता है।

  1. सरकारी टैक्स और शुल्क:

केंद्र और राज्य सरकारें पेट्रोल-डीजल पर भारी टैक्स लगाती हैं, जो खुदरा मूल्य का बड़ा हिस्सा होते हैं। यही कारण है कि राज्यों में कीमतों में अंतर होता है।

  1. रिफाइनिंग की लागत:

कच्चे तेल को इस्तेमाल लायक बनाने की प्रक्रिया (रिफाइनिंग) में भी खर्च होता है। ये लागत कच्चे तेल की गुणवत्ता और रिफाइनरी की क्षमता पर निर्भर करती है।

  1. मांग और आपूर्ति का संतुलन:

बाजार में ईंधन की मांग अगर बढ़ जाती है, तो कीमतें भी ऊपर जाने लगती हैं। खासकर त्योहारों, गर्मी या सर्दी के मौसम में ईंधन की खपत ज्यादा होती है।

कैसे करें अपने शहर की कीमतें SMS से चेक?

अगर आप मोबाइल से ईंधन की कीमत जानना चाहते हैं, तो ये प्रक्रिया आसान है:

Indian Oil ग्राहक: अपने शहर का कोड टाइप करें और उसे “RSP” के साथ 9224992249 पर भेजें।

BPCL ग्राहक: “RSP” लिखकर 9223112222 पर भेजें।

HPCL ग्राहक: “HP Price” लिखकर 9222201122 पर भेजें।

LPG Price Today: आज कितनी है घरेलू और कमर्शियल गैस सिलेंडर की कीमत? जानें दिल्ली समेत अन्य शहरों के नए रेट

LPG Price Today: अगर आप आज एलपीजी सिलेंडर बुक कराने की योजना बना रहे हैं तो पहले अपने शहर का नया रेट जान लेना जरूरी है। सरकारी तेल कंपनियों (OMC) की ओर से जारी ताजा दरों के अनुसार फरीदाबाद में 14.2 किलोग्राम घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कीमत 943.50 रुपये है। वहीं, दिल्ली में यही सिलेंडर 942 रुपये में मिल रहा है। दरअसल, जून में घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में 29 रुपये की बढ़ोतरी की गई थी। इसके बाद जुलाई में घरेलू सिलेंडर का रेट 942 से 943.50 रुपये पर बना हुआ है।

तेल कंपनियां आमतौर पर हर महीने की पहली तारीख को एलपीजी सिलेंडरों की कीमतों की समीक्षा करती हैं। हालांकि, जरूरत पड़ने पर महीने के बीच में भी घरेलू और कमर्शियल दोनों ही गैस सिलेंडर के रेट बदले जा सकते हैं। इसलिए सिलेंडर बुक करने से पहले ताजा कीमत जरूर चेक कर लें।

हरियाणा में आज 14 किलो घरेलू सिलेंडर कीमत

घरेलू LPG (14.2 किलोग्राम): ₹943.50

कमर्शियल LPG (19 किलोग्राम): लगभग ₹2,932

दिल्ली में आज का LPG रेट

घरेलू LPG (14.2 किलोग्राम): ₹942

क्यों बदलती हैं LPG की कीमतें?

अन्य राज्यों के हाल

नोएडा- 939.50

मुंबई- 941.50

कोलकाता- 968

पटना- 1031.50

लखनऊ- 979.50

चेन्नई- 957.50

चंडीगढ़- 951.50

जयपुर- 945.50

हरियाणा- 943.50

असम- 991

19 KG कमर्शियल सिलेंडर की कीमत इस प्रकार है:-

दिल्ली- 2930

नोएडा- 2930

मुंबई- 2885.50

कोलकाता- 3081.50

पटना- 3227

लखनऊ- 3052.50

चेन्नई- 3106

चंडीगढ़- 2954.50

जयपुर- 2957.50

हरियाणा- 2932

असम- 3173.50

एलपीजी सिलेंडर की कीमतें हर महीने अंतरराष्ट्रीय कच्चे तेल और एलपीजी की कीमतों, डॉलर-रुपये की कीमत, परिवहन लागत और राज्यों के स्थानीय टैक्स के आधार पर तय की जाती हैं। इसी वजह से अलग-अलग शहरों में गैस सिलेंडर की कीमतों में थोड़ा अंतर देखने को मिलता है। बता दें कि सरकार प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना (PMUY) के पात्र लाभार्थियों को प्रति 14.2 किलोग्राम सिलेंडर पर 300 रुपये की सब्सिडी देती है, जो सीधे उनके बैंक खाते में ट्रांसफर की जाती है।

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