VIDEO: बस में लड़की के सामने युवक करने लगा अश्लील हरकत! फिर युवती ने सिखाया सही सबक

मध्य प्रदेश के सागर जिले के देवरी बस स्टैंड से एक शर्मनाक मामला सामने आया है। एक सार्वजनिक बस में कथित तौर पर एक युवक ने युवती के साथ अशोभनीय हरकत करने की कोशिश की। घटना के बाद युवती ने साहस दिखाते हुए आरोपी का विरोध किया और उसे थप्पड़ मार दिया। ये पूरी घटना बस में लगे सीसीटीवी कैमरे में रिकॉर्ड हो गई, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो सामने आने के बाद लोगों ने घटना पर नाराजगी जताई है और आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।

घटना का सीसीटीवी वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर लोगों में काफी नाराजगी देखने को मिल रही है। कई यूजर्स ने युवती की बहादुरी की सराहना करते हुए कहा कि उसने बिना डरे आरोपी का सामना किया और उसके खिलाफ आवाज उठाकर साहस का परिचय दिया।

क्या है पूरी घटना

आरोपी की पहचान नितेश गोंड के रूप में हुई है। वीडियो में दिख रहा कि वह बस में चढ़ा और आगे की सीट पर बैठी दो युवतियों के पास पहुंच गया। आरोप है कि उसने एक युवती के साथ अश्लील और आपत्तिजनक हरकत करने की कोशिश की। आरोपी व्यक्ति आइल सीट पर बैठी एक लड़की के पास गया, अपनी पैंट की जिप खोली और अपने प्राइवेट पार्ट से अश्लील हरकत करने लगा। खिड़की के पास बैठी युवती ने सबसे पहले आरोपी की हरकत देखी और तुरंत अपनी दोस्त को इसके बारे में बताया।

युवती ने जड़ा थप्पड़

दोनों ने पहले उससे दूरी बनाने की कोशिश की, लेकिन जब आरोपी अपनी कथित अश्लील हरकतों से बाज नहीं आया, तो युवती ने हिम्मत दिखाते हुए सभी यात्रियों के सामने उसे थप्पड़ मार दिया। इसके बाद दोनों के बीच कुछ देर कहासुनी हुई, जिसके बाद आरोपी बस से उतरकर वहां से भाग गया। ये पूरी घटना बस में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई, जिसके आधार पर मामले की जांच की जा रही है।

यूजर ने किया कमेंट

घटना के बाद सोशल मीडिया पर लोगों ने अपनी कड़ी प्रतिक्रिया दी। एक यूजर ने लिखा, “इस युवती ने जिस साहस के साथ आरोपी का सामना किया, वह काबिल-ए-तारीफ है। उसने डरने के बजाय तुरंत विरोध किया और गलत हरकत करने वाले को सबक सिखाया। सार्वजनिक जगहों पर इस तरह की शर्मनाक हरकतों की कोई जगह नहीं है। अच्छा है कि पुलिस ने भी तेजी से कार्रवाई की।” एक अन्य यूजर ने कहा, “ऐसे लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। समाज में इस तरह की मानसिकता वाले लोगों को खुला नहीं छोड़ना चाहिए।”

एक और व्यक्ति ने लिखा, “ऐसी हरकत करने वालों को बेनकाब करना और उनके खिलाफ सख्त कदम उठाना जरूरी है। अगर समय रहते विरोध नहीं किया गया तो ऐसे लोगों का हौसला बढ़ सकता है।”

पुलिस ने शुरू कर दी जांच

सीसीटीवी वीडियो वायरल होने के बाद देवरी पुलिस ने जांच शुरू की और आरोपी की पहचान कर उसे हिरासत में ले लिया। पुलिस ने कहा कि अब तक पीड़ित युवती या उसके परिवार की ओर से कोई लिखित शिकायत नहीं दी गई है। इसके बावजूद पुलिस ने स्पष्ट किया कि महिलाओं के साथ अभद्रता या छेड़छाड़ करने वाले किसी भी व्यक्ति के खिलाफ कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।

IMD Flash Flood Alert: सावधान! अगले 24 घंटों में इन 3 राज्यों में आ सकती है अचानक बाढ़, फ्लैश फ्लड और भारी बारिश की चेतावनी

IMD Flash Flood Alert: देश भर में सक्रिय दक्षिण-पश्चिम मॉनसून के बीच भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने एक बड़ा अलर्ट जारी किया है। आईएमडी ने लगातार हो रही भारी मॉनसूनी बारिश के मद्देनजर देश के तीन राज्यों महाराष्ट्र, गोवा और गुजरात के कई हिस्सों के लिए अचानक आने वाली बाढ़ यानी फ्लैश फ्लड की चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग के मुताबिक अगले 24 घंटों के दौरान इन राज्यों के कई जिलों में मध्यम स्तर के फ्लैश फ्लड का खतरा मंडरा रहा है जहां बहुत भारी बारिश होने की आशंका जताई गई है।

कुछ इलाकों में 200 मिमी तक बारिश हो सकती है। इससे अचानक बाढ़, जलभराव और भूस्खलन की आशंका काफी बढ़ गई है। लगातार हो रही बारिश से मिट्टी पहले ही पूरी तरह गीली हो चुकी है और नदियां उफान पर हैं। इससे इन क्षेत्रों में तेजी से बाढ़ आने की संवेदनशीलता बढ़ गई है।

पश्चिमी भारत में भारी बारिश से बढ़ा बाढ़ का खतरा

IMD के मुताबिक सबसे ज्यादा फ्लैश फ्लड का खतरा नीचे दिए गए इलाकों को है-

कोंकण और गोवा

मध्य महाराष्ट्र

गुजरात

भारी बारिश से नदियां उफान पर

मौसम एजेंसी का कहना है कि बहुत कम समय में होने वाली बेहद तेज बारिश की वजह से नदियां, नाले और जल निकासी चैनल उफान पर आ सकते हैं। खासकर निचले इलाकों में स्थिति गंभीर हो सकती है। इसे देखते हुए अधिकारियों ने स्थानीय निवासियों को सतर्क रहने और भारी बारिश के दौरान बाढ़ वाली सड़कों या नदियों के किनारों से यात्रा करने से बचने की सख्त सलाह दी है।

क्या होती है अचानक आने वाली बाढ़?

मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, फ्लैश फ्लड सामान्य नदी की बाढ़ से बिल्कुल अलग होती है। मौसमी नदी की बाढ़ आमतौर पर बारिश होने के 100 से 150 घंटे बाद आती है लेकिन फ्लैश फ्लड भारी बारिश के कुछ ही मिनटों या घंटों के भीतर आ सकता है। यह स्थिति तब बनती है जब जमीन पानी को सोखने की स्थिति में नहीं रहती या फिर नदियां, नाले और ड्रेनेज चैनल पूरी तरह से भर जाते हैं। तेज हवाओं की वजह से फ्लैश फ्लड अपने साथ मिट्टी, चट्टानें और मलबे को भी बहा ले आती है। अपनी बेहद तेज स्पीड और ताकत की वजह से इसे बारिश के मौसम से जुड़ी सबसे खतरनाक आपदाओं में से एक माना जाता है। ये तुरंत जानलेवा साबित हो सकती है।

IMD कैसे लगाता है फ्लैश फ्लड के खतरे का अनुमान?

मौसम विभाग द्वारा फ्लैश फ्लड की चेतावनियां जारी करने के लिए कई आधुनिक तकनीकों का इस्तेमाल किया जाता है। वैज्ञानिक इसके लिए बारिश के पूर्वानुमान, सैटेलाइट ऑब्जर्वेशन, डॉपलर वेदर रडार डेटा और हाइड्रोलॉजिकल मॉडल्स का इस्तेमाल करते हैं। वैज्ञानिक मिट्टी की नमी, नदियों के जलस्तर और स्थानीय भौगोलिक परिस्थितियों का भी बारीकी से एनालिसिस करते हैं ताकि यह सटीक अनुमान लगाया जा सके कि तेज बारिश के बाद कहां पानी तेजी से बढ़ सकता है।

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9 जुलाई तक जारी रहेगा मौसम का यह उग्र रूप

पश्चिमी भारत में वर्तमान दक्षिण-पश्चिम मानसून लगातार सक्रिय बना हुआ है। IMD के ताजा पूर्वानुमान के मुताबिक, महाराष्ट्र, गोवा और गुजरात के कुछ हिस्सों में 9 जुलाई तक बहुत भारी बारिश का यह दौर जारी रहेगा। इसके बाद परिस्थितियों में धीरे-धीरे सुधार होने की उम्मीद है। मौसम विभाग का कहना है कि अरब सागर से मिल रही प्रचुर नमी और अनुकूल मानसूनी चक्र की वजह से मौसम का यह चरम रूप देखने को मिल रहा है।

Video: टोल प्लाजा बना आग का गोला, LPG टैंकर ब्लास्ट से कौशांबी में मचा कोहराम, 5 लोगों की दर्दनाक मौत

उत्तर प्रदेश के कौशांबी जिले में स्थित सिरोही टोल प्लाजा के पास एक दर्दनाक हादसा सामने आया, जहां एक LPG टैंकर अचानक भीषण आग की चपेट में आ गया। बताया जा रहा है कि टैंकर कानपुर से वाराणसी की ओर जा रहा था, तभी चालक का वाहन से नियंत्रण हट गया और वह सीधे डिवाइडर से जा टकराया। टक्कर के बाद कुछ ही सेकंड में टैंकर से गैस का रिसाव शुरू हो गया, जिसने देखते ही देखते पूरे इलाके को खतरनाक आग की लपटों में बदल दिया।

आग इतनी तेजी से फैली कि टोल प्लाजा और आसपास का क्षेत्र भी इसकी चपेट में आ गया। इस हादसे ने वहां मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मचा दी और कुछ ही पलों में स्थिति बेहद भयावह हो गई। घटना ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा और गैस परिवहन की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

CCTV में कैद खौफनाक मंजर

इस दर्दनाक घटना का पूरा दृश्य CCTV कैमरे में रिकॉर्ड हो गया। वीडियो में साफ दिखता है कि टैंकर से पहले सफेद गैस तेजी से बाहर निकलती है और फिर अचानक जोरदार धमाका होता है। कुछ ही पलों में आग इतनी फैल गई कि टोल बूथ और आसपास का क्षेत्र जलने लगा।

16 बाइक और 2 कारें खाक

भीषण आग की चपेट में आकर टोल प्लाजा पर खड़ी 16 बाइक और 2 कारें पूरी तरह जलकर राख हो गईं। आग इतनी तेजी से फैली कि लोगों को भागने का भी मौका नहीं मिला।

ड्राइवर की दर्दनाक मौत, कर्मचारी भी झुलसे

टैंकर चालक, जिसकी पहचान धर्मेंद्र द्विवेदी (मिर्जापुर) के रूप में हुई है, आग में फंस गया और मौके पर ही उसकी मौत हो गई। इसके अलावा टोल प्लाजा के कई कर्मचारी भी गंभीर रूप से झुलस गए।

अस्पताल में जिंदगी की जंग

घायलों को तुरंत प्रयागराज के SRN अस्पताल में भर्ती कराया गया। बाद में दो और कर्मचारियों की मौत हो गई, जिससे मृतकों की संख्या बढ़कर 5 हो गई। जबकि कुछ लोग अभी भी इलाज में हैं।

कैसे हुआ इतना बड़ा विस्फोट?

जानकारी के अनुसार टैंकर करीब 60–70 kmph की रफ्तार से चल रहा था। टकराने के बाद LPG गैस तेजी से फैल गई और फिर एक जोरदार विस्फोट हुआ, जिसने पूरे टोल प्लाजा को आग में बदल दिया।

दो किलोमीटर दूर तक दिखी आग की लपटें

हादसे के बाद आसमान में काला धुआं और ऊंची आग की लपटें दो किलोमीटर दूर तक दिखाई दीं। टोल प्लाजा का एक हिस्सा पूरी तरह जल गया और वहां अफरा-तफरी मच गई।

जांच जारी, इलाके में दहशत

पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच जारी है। इस दर्दनाक हादसे ने पूरे इलाके में दहशत फैला दी है और सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

Ketan Agarwal Murder Case: केतन हत्याकांड की आरोपी सिया गोयल का 17 सेकंड का वीडियो वायरल, मीडिया को दिखाई मिडिल फिंगर

Ketan Murder Case: केतन हत्याकांड में ये लाल इलेक्ट्रिक कार बनी सबसे बड़ा सुराग, वायरल वीडियो से खुल रहे नए राज

Ketan Murder Case: पूरे देश को झकझोर कर रख देने वाले पुणे के चर्चित केतन अग्रवाल हत्याकांड में रोज नए खुलासे हो रहे हैं। केतन अग्रवाल हत्याकांड में जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है,उसमें नई बातें सामने आ रही हैं। वहीं हत्या के मामले में जांच अब उस लाल इलेक्ट्रिक कार पर केंद्रित हो गई है, जिसका इस्तेमाल घटना वाले दिन लोहगढ़ किले जाने के लिए किया गया था। पुलिस इस कार की गहन जांच कर रही है ताकि घटना से जुड़े अहम सुराग मिल सकें। 25 वर्षीय केतन अग्रवाल की 18 जून को लोहगढ़ किले की यात्रा के दौरान कथित तौर पर हत्या कर दी गई थी।

जांच में अब तक सामने आया है कि केतन अपनी मंगेतर सिया गोयल के साथ लोहगढ़ किले गए थे। पुलिस का आरोप है कि सिया गोयल और उसके कथित प्रेमी चेतन चौधरी ने मिलकर केतन को किले पर एक चट्टान से नीचे धक्का दे दिया, जिससे उसकी मौत हो गई।

जांच में शामिल लाल इलेक्ट्रिक कार वही है, जो घटना से पहले सोशल मीडिया पर वायरल हुए कई वीडियो में दिखाई दी थी। एक वीडियो में केतन अग्रवाल और सिया गोयल कार का सनरूफ खोलकर सफर करते नजर आए थे। वहीं, दूसरे वीडियो में केतन अपनी जन्मदिन की पार्टी के दौरान सिया को फूल देते हुए दिखाई दे रहे थे। पुलिस इस मामले में सिया गोयल और चेतन चौधरी को मुख्य आरोपी मान रही है। जांच के तहत शुक्रवार को सिया के भाई साहिल गोयल से भी पूछताछ की गई। पूछताछ शुरू होने से पहले सिया के माता-पिता पूजा गोयल और प्रवीण गोयल भी लोनावला ग्रामीण पुलिस थाने पहुंचे थे।

फास्ट-ट्रैक कोर्ट में चलेगा मामला

केतन अग्रवाल हत्याकांड में महाराष्ट्र सरकार ने भी बड़ा फैसला लिया है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की अगुवाई वाली सरकार ने इस मामले की सुनवाई फास्ट-ट्रैक कोर्ट में कराने की मंजूरी दे दी है। साथ ही वरिष्ठ वकील और राज्यसभा सांसद उज्ज्वल निकम को इस मामले का विशेष लोक अभियोजक नियुक्त किया गया है। यह फैसला केतन अग्रवाल के परिवार की मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से मुलाकात के बाद लिया गया। परिवार ने मामले में जल्द न्याय और त्वरित कार्रवाई की मांग की थी। मुख्यमंत्री ने भरोसा दिलाया कि दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी और मामले की सुनवाई फास्ट-ट्रैक कोर्ट में तेजी से पूरी कराई जाएगी। फिलहाल पुलिस की जांच जारी है।

Ketan Murder Case: ‘सिया को पहले से थी सारी जानकारी…’, केतन हत्याकांड में पिता ने तोड़ी चुप्पी, किया ये बड़ा दावा

Ketan Murder Case: पूरे देश को झकझोर कर रख देने वाले पुणे के चर्चित केतन अग्रवाल हत्याकांड में रोज नए खुलासे हो रहे हैं। केतन अग्रवाल हत्याकांड में जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है,उसमें नई बातें सामने आ रही हैं। अब इस पूरे मामले पर मृतक केतन के पिता विशाल अग्रवाल का बड़ा बयान सामने आया है। उन्होंने पुलिस जांच में सामने आ रही उस थ्योरी को सिरे से खारिज कर दिया है कि केतन के लुक और उनके ‘हेयर विग’ के कारण उनकी मंगेतर इस शादी से नाखुश थी और इसी वजह से हत्या की गई।

विग की वजह से की गई हत्या?

पुणे के पास स्थित लोहागढ़ किले में 18 जून को मारे गए 25 वर्षीय कारोबारी केतन अग्रवाल के पिता ने उन खबरों को पूरी तरह गलत बताया है। केतन के पिता विशाल अग्रवाल का दावा है कि शादी से पहले ही उन्होंने सिया गोयल के परिवार को बेटे के विग पैच की जानकारी दे दी थी। विशाल अग्रवाल ने कहा कि उनके बेटे को एक मेडिकल समस्या के कारण बाल झड़ने की परेशानी थी। इसी वजह से वह हेयर विग का इस्तेमाल करता था। उन्होंने बताया कि इस बात की जानकारी सगाई तय होने से काफी पहले ही सिया गोयल और उसके परिवार को दे दी गई थी। इसलिए हत्या की वजह विग को बताना पूरी तरह गलत और भ्रामक है।

सगाई से पहले दी गई थी ये जानकारी

केतन अग्रवाल के पिता विशाल अग्रवाल ने बताया कि उनके बेटे को एक मेडिकल समस्या के कारण सिर के एक हिस्से के बाल झड़ गए थे। उन्होंने कहा कि सगाई तय होने से काफी पहले ही इस बारे में सिया गोयल और उसके परिवार को पूरी जानकारी दे दी गई थी। उन्होंने कहा, “अगर उन्हें इस बात से कोई आपत्ति होती, तो वे शादी से इनकार कर सकते थे।” वहीं, पुलिस का मानना है कि केतन की मौत एक सुनियोजित साजिश का हिस्सा थी। जांच के मुताबिक, इस मामले में उसकी मंगेतर सिया गोयल और उसके कथित प्रेमी चेतन चौधरी की भूमिका सामने आई है। शुरुआत में इस घटना को हादसा माना गया था, लेकिन बाद में जांच के दौरान मिले सबूतों ने इसे हत्या के मामले में बदल दिया।

पुलिस हत्या की साजिश के एंगल से कर रही है जांच

पुलिस के अनुसार, घटना से पहले सिया गोयल कई बार केतन अग्रवाल को लोहागढ़ किले लेकर गई थी। जांच में दावा किया गया है कि 14 जून को सिया ने कथित तौर पर केतन को एक चट्टान से धक्का देने की कोशिश की थी, लेकिन वह झाड़ी पकड़ लेने की वजह से बच गया। पुलिस का कहना है कि 18 जून को सिया फिर केतन को लोहागढ़ किले ले गई। इस दौरान उसका कथित प्रेमी चेतन चौधरी भी पीछे-पीछे पहुंचा। आरोप है कि दोनों ने मिलकर केतन को खाई में धक्का दे दिया, जिससे उसकी मौत हो गई।

जांच में सामने आए कॉल रिकॉर्ड के मुताबिक, सिया और चेतन के बीच हजारों बार बातचीत हुई थी। इनमें कई कॉल कई घंटों तक चली थीं। पूछताछ में चेतन ने कथित तौर पर बताया कि सिया सगाई तोड़ना नहीं चाहती थी, क्योंकि उसे परिवार की बदनामी का डर था। फिलहाल पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। उन पर हत्या और आपराधिक साजिश का मामला दर्ज किया गया है और आगे की जांच जारी है।

Ketan Murder case: मंगेतर सिया गोयल का चैट लग गया पुलिस के हाथ! पर इस डिटेल ने तो केस को और फंसा दिया

पुणे के बिजनेसमैन केतन अग्रवाल की मौत के मामले में पुलिसिया जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, यह केस सुलझने के बजाय और उलझता जा रहा है। पुलिस के हाथ अब आरोपी मंगेतर सिया गोयल का मोबाइल चैट लगा है लेकिन इस नए डिजिटल सबूत ने पूरे मामले को और ज्यादा फंसा दिया है। पुलिस का दावा है कि आरोपी सिया गोयल के मोबाइल फोन से बरामद किए गए मैसेजेस और पूछताछ के दौरान दिए गए उसके बयानों में भारी अंतर है, जिससे पुलिस के सामने नई चुनौतियां खड़ी हो गई हैं।

मोबाइल चैट और बयानों में भारी विरोधाभास (Inconsistencies)

लोनावला पुलिस के मुताबिक जांच के दौरान सिया के मोबाइल फोन से जो चैट्स बरामद हुए हैं, वे उसके उन बयानों से बिल्कुल मेल नहीं खा रहे हैं जो उसने पूछताछ के दौरान पुलिस को दिए थे। पुलिस अधिकारियों का मानना है कि यह डिजिटल सबूत घटनाक्रम को स्थापित करने में एक बेहद महत्वपूर्ण कड़ी साबित हो सकता है। फिलहाल पुलिस अधिकारी बरामद की गई बातचीत, कॉल डिटेल रिकॉर्ड्स, सीसीटीवी फुटेज और अन्य इलेक्ट्रॉनिक सबूतों की बारीकी से जांच कर रहे हैं ताकि मौत से जुड़ी कड़ियों को जोड़ा जा सके।

एक-दूसरे पर दोष मढ़ रहे हैं दोनों आरोपी प्रेमी

इस मामले ने तब और पेचीदा मोड़ ले लिया जब पुलिस की पूछताछ में दोनों आरोपियों ने अलग-अलग कहानियां सुनाना शुरू कर दिया। पुलिस के मुताबिक। आरोपी मंगेतर सिया गोयल और उसके प्रेमी चेतन चौधरी ने पूछताछ के दौरान अलग-अलग बयान दिए हैं। दोनों ही आरोपी इस खौफनाक अपराध की साजिश रचने की जिम्मेदारी एक-दूसरे पर मढ़ रहे हैं। दोनों का कहना है कि प्लानिंग दूसरे ने की थी। अब पुलिस को उम्मीद है कि यह डिजिटल ट्रेल यह तय करने में मदद करेगी कि इस साजिश में किस आरोपी की कितनी भूमिका थी और इस कथित साजिश के पीछे का असल सच क्या है।

नवंबर में होनी थी शादी, पर रास्ते से हटा दिया

यह पूरा मामला एक सोची-समझी साजिश का परिणाम नजर आता है। पुलिस के मुताबिक 25 वर्षीय केतन अग्रवाल और सिया गोयल की शादी इसी साल नवंबर में होने वाली थी। लेकिन सिया, केतन से शादी नहीं करना चाहती थी। इसके बाद सिया और उसके प्रेमी चेतन चौधरी ने मिलकर केतन को रास्ते से हटाने की साजिश रची और उसे अंजाम दे दिया। आरोप है कि 18 जून को पुणे जिले के मावल तालुका में स्थित लोहागढ़ किले में घूमने के दौरान सिया और चेतन ने केतन को पहाड़ी से नीचे खाई में धक्का दे दिया था। इससे उसकी मौत हो गई।

हादसे से मर्डर मिस्ट्री तक पहुंची जांच

शुरुआत में इस मामले को महज एक दुर्घटना यानी पैर फिसलने से हुआ हादसा माना जा रहा था। लेकिन जब पुलिस ने गहराई से जांच शुरू की और सीसीटीवी फुटेज, कॉल रिकॉर्ड्स व फॉरेंसिक सबूतों को खंगाला तो यह मामला पूरी तरह से हत्या में तब्दील हो गया। इस मामले की जांच अभी जारी है और पुलिस अंतिम चार्जशीट दाखिल करने से पहले सभी उपलब्ध डिजिटल और फॉरेंसिक सबूतों को गहनता से जांच रही है।

मंगेतर को मारने के बाद सिया गोयल चली थी मातम वाला नाटक करने, इस शातिर लड़की से यहीं पर हो गई एक चूक!

महाराष्ट्र के पुणे में स्थित लोहगढ़ किले में हुए बिजनेसमैन केतन अग्रवाल की मौत के मामले में एक बेहद चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। जिसे शुरुआत में एक साधारण ट्रेकिंग हादसा माना जा रहा था, वह असल में सोची-समझी हत्या की एक खौफनाक साजिश निकली। मंगेतर केतन को पहाड़ी से नीचे धकेलने के बाद शातिर आरोपी लड़की सिया गोयल से जुड़ा एक और खुलासा हुआ है।

बताया जा रहा है कि इस क्राइम को अंजाम देने के बाद सिया अग्रवाल परिवार के सामने मातम मनाने पहुंची थी। इसी बीच केतन की बहन की सजगता और शक ने इस पूरे नाटक का भंडाफोड़ कर दिया। इस शातिर लड़की से मातम के इस ड्रामे के दौरान ही एक ऐसी चूक हो गई जिसके बाद उसकी पूरी साजिश ताश के पत्तों की तरह बिखर गई। आइए जानते हैं उस मुलाकात की पूरी इनसाइड स्टोरी जिसने कातिल मंगेतर को सलाखों के पीछे पहुंचा दिया।

घर पर सांत्वना देने पहुंची थी सिया, बहन ने पकड़ ली ये बड़ी चूक

बीती 18 जून को लोहगढ़ किले में ट्रेकिंग के दौरान केतन अग्रवाल की एक गहरी खाई में गिरने से मौत हो गई थी। घटना के तुरंत बाद लोनावला रूरल पुलिस ने इसे दुर्घटनावश हुई मौत के रूप में दर्ज किया था क्योंकि लड़के की मंगेतर सिया ने दावा किया था कि तस्वीरें लेते समय केतन का पैर फिसल गया था। लेकिन केतन की बहन इस हादसे की थ्योरी को स्वीकार करने के लिए बिल्कुल तैयार नहीं थी। केतन के अंतिम संस्कार के बाद भी उसकी बहन लगातार मौत की परिस्थितियों पर सवाल उठाती रही। उसे इस घटना के कई पहलू आपस में मेल खाते हुए नहीं दिख रहे थे। सूत्रों के मुताबिक, घटना के चार दिन बाद सिया गोयल अग्रवाल परिवार के घर पर शोक व्यक्त करने और सांत्वना देने पहुंची थी। इसी मुलाकात के दौरान केतन की बहन ने उससे लोहगढ़ किले में हुए पूरे घटनाक्रम को लेकर विस्तार से और बेहद तीखे सवाल पूछे।

जब बहन ने सवाल दागना शुरू किया तो सिया के जवाबों में भारी विसंगतियां दिखने लगीं। परिवार को लगा कि सिया सीधे जवाब देने के बजाय बातों को टालने की कोशिश कर रही है। सिया की इसी घबराहट और टालमटोल ने परिवार के शक को पूरी तरह गहरा कर दिया। इसके तुरंत बाद परिवार ने दोबारा पुलिस से संपर्क किया और नए सिरे से जांच की मांग की।

जून में हुडी पहनने की गलती और सीसीटीवी का सुराग

परिवार के भारी दबाव और जिद के बाद जांचकर्ताओं ने मामले की नए सिरे से पड़ताल शुरू की। पुलिस ने सीसीटीवी (CCTV) फुटेज, तकनीकी सबूतों और केस से जुड़े लोगों के बयानों की जांच शुरू की। इसी दौरान पुलिस को सिया गोयल और चेतन चौधरी के बीच के कथित प्रेम प्रसंग का पता चला। इस पूरी मिस्ट्री को सुलझाने में सीसीटीवी फुटेज सबसे बड़ा टर्निंग पॉइंट साबित हुआ। फुटेज में जांचकर्ताओं को जून की गर्मी के बावजूद एक शख्स हुडी पहने हुए दिखाई दिया। इस शख्स की हरकतें बेहद संदिग्ध थीं क्योंकि वह लोहगढ़ किले के आसपास लगातार केतन और सिया की गतिविधियों और मूवमेंट का पीछा कर रहा था। इस फुटेज की मदद से आखिरकार पुलिस को संदिग्ध शख्स की पहचान करने और चेतन चौधरी तक पहुंचने में बड़ी कामयाबी मिली।

परिवार का आरोप: सिया के घरवालों को सब पता था!

जांच के दौरान अग्रवाल परिवार ने सिया के परिवार पर भी बेहद गंभीर आरोप लगाए हैं। अग्रवाल परिवार का आरोप है कि सिया के घरवाले उसके और चेतन चौधरी के अफेयर (रिश्ते) के बारे में पहले से अच्छी तरह जानते थे। इसके बावजूद उन्होंने इस बात को छुपाया और यह आश्वासन देते हुए शादी के रिश्ते को आगे बढ़ाया कि समय के साथ सब कुछ ठीक हो जाएगा।

फेसटाइम, व्हाट्सएप और हजारों कॉल्स; ऐसे रची गई मर्डर की प्लानिंग

पुलिस की तफ्तीश जैसे-जैसे आगे बढ़ी, सिया का सच पूरी तरह उजागर हो गया। पुलिस ने जब सिया और चेतन को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो उनकी तरफ से मिले अस्पष्ट और विरोधाभासी जवाबों के बाद पुलिस ने शिकंजा और कस दिया। तकनीकी जांच से साफ हो गया कि केतन की मौत कोई हादसा नहीं बल्कि एक सोची-समझी क्रिमिनल कॉन्स्पिरेंसी थी। पुलिस के मुताबिक सिया और चेतन पिछले कई सालों से एक-दूसरे के संपर्क में थे। इस साल जनवरी से जून के बीच ही दोनों ने फोन कॉल्स पर हजारों बार आपस में बात की थी। इसके अलावा पुलिस को उनके बीच फेसटाइम और वॉट्सऐप कॉल्स के जरिए भी लगातार और लगातार बातचीत करने के पुख्ता सबूत मिले हैं।

दोनों आरोपी गिरफ्तार, अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच जारी

शुरुआत में पुलिस को यह मनगढ़ंत कहानी सुनाने वाली सिया कि केतन फोटो खिंचवाने के लिए पोज देते समय खाई में गिर गया था, अब पूरी तरह बेनकाब हो चुकी है। पुलिस का साफ तौर पर आरोप है कि सिया और चेतन ने ही मिलकर केतन को पीछे से मौत के मुंह में धकेला था और बाद में इसे एक दुर्घटना का रूप देने की कोशिश की थी। इस खौफनाक हत्याकांड और आपराधिक साजिश के आरोप में पुलिस ने 23 जून को सिया गोयल और चेतन चौधरी दोनों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस अब इस बात की भी गहनता से जांच कर रही है कि क्या इस पूरी मर्डर प्लानिंग और साजिश में कोई अन्य व्यक्ति भी शामिल था या नहीं।