Weather Update : देशभर में मानसून हुआ सक्रिय, 18 राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट, बाढ़-भूस्खलन से जम्मू-कश्मीर बेहाल

Monsoon becomes active across country, heavy rain alert for 18 states

Weather Update News : भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, देशभर में मानसून एक बार फिर पूरी तरह सक्रिय हो गया है। उत्तर, मध्य और पूर्वोत्तर भारत के लगभग 18 राज्यों में अगले कुछ दिनों तक भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है। गुजरात, केरल, ओडिशा, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और राजस्थान समेत कई राज्‍यों में भारी बारिश की चेतावनी है। मौसम विभाग ने अगले 3-4 दिनों तक मानसून के सक्रिय रहने की संभावना जताई है। जम्मू-कश्मीर में लगातार मूसलाधार बारिश से गुरेज में 4 जगह बादल फटने, बडगाम में बाढ़ और कई जिलों में भूस्खलन से तबाही हुई। बडगाम में सुखनाग नाला में बाढ़ से कई दुकानें बह गईं। खराब मौसम को देखते हुए सरकार ने सभी स्कूलों में 26 जुलाई तक छुट्टियां बढ़ा दी हैं।

 

भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, देशभर में मानसून एक बार फिर पूरी तरह सक्रिय हो गया है। उत्तर, मध्य और पूर्वोत्तर भारत के लगभग 18 राज्यों में अगले कुछ दिनों तक भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है। गुजरात, केरल, ओडिशा, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और राजस्थान समेत कई राज्‍यों में भारी बारिश की चेतावनी है। मौसम विभाग ने अगले 3-4 दिनों तक मानसून के सक्रिय रहने की संभावना जताई है।

 

कैसा है जम्मू-कश्मीर का हाल?

जम्मू-कश्मीर में लगातार मूसलाधार बारिश से गुरेज में 4 जगह बादल फटने, बडगाम में बाढ़ और कई जिलों में भूस्खलन से तबाही हुई। बडगाम में सुखनाग नाला में बाढ़ से कई दुकानें बह गईं। खराब मौसम को देखते हुए सरकार ने सभी स्कूलों में 26 जुलाई तक छुट्टियां बढ़ा दी हैं। उत्तर प्रदेश के मेरठ, शामली, बागपत, बिजनौर, आगरा, मथुरा, रामपुर, बरेली, अलीगढ़, झांसी, ललितपुर, जालौन, हमीरपुर, महोबा, बांदा, चित्रकूट, कौशांबी, प्रयागराज, मिर्जापुर, सोनभद्र समेत उत्तर प्रदेश के कई जिलों में आज मौसम विभाग ने बारिश का अलर्ट जारी किया है।

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मौसम विभाग ने बिहार के कई इलाकों में अगले 24-48 घंटों के दौरान तूफानी आंधी-बारिश का अलर्ट जारी किया है। दिल्ली-एनसीआर में आज गरज-चमक के साथ भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग के अनुसार, राजस्थान के कोटा, जयपुर, भरतपुर, अजमेर, उदयपुर, जोधपुर और बीकानेर संभाग के अधिकतर क्षेत्रों में बारिश होने की संभावना है। इस दौरान कुछ स्थानों पर भारी तथा एक-दो स्थानों पर अत्यधिक भारी वर्षा हो सकती है। ओडिशा के अधिकांश हिस्सों में बारिश जारी रहेगी।

यहां 2 स्थानों पर हुआ भूस्खलन

जम्मू-कश्मीर में भारी बारिश के चलते पुंछ-जम्मू राष्ट्रीय राजमार्ग पर 2 स्थानों पर भूस्खलन हुआ, जिससे हाईवे करीब 6 घंटे तक बंद रहा। मदाना और शींदरा क्षेत्र में मलबा आने से वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। सांबा, कठुआ, राजोरी, पुंछ और बनी क्षेत्र में लगातार बारिश से सड़कें बंद हो गईं।

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मौसम विभाग के अनुसार पिछले तीन दिनों में सबसे अधिक बारिश कटड़ा में 245.6 मिमी दर्ज की गई। पुंछ में 204.5 मिमी, राजोरी में 186.2 मिमी, रियासी में 184.5 मिमी और उधमपुर में 155.2 मिमी वर्षा रिकॉर्ड की गई। मौसम विभाग ने आज हिमाचल प्रदेश के चंबा, कांगड़ा, कुल्लू, मंडी, सोलन, किन्नौर और सिरमौर जिलों में भारी से अत्यधिक भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। 

 

मध्य प्रदेश के कई जिलों में बारिश का अलर्ट

मध्य प्रदेश में मानसून का ब्रेक टूटते ही बादल झूमकर बरसे। सोमवार आधी रात के बाद से प्रदेश के अधिकांश जिलों में वर्षा का सिलसिला शुरू हुआ तो मंगलवार रात तक रुक-रुक कर चलता रहा। सीधी जिले की मझौली तहसील में सबसे अधिक 124.4 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई है। अगले 48 घंटे के दौरान भी प्रदेश के कई जिलों में वर्षा की संभावना है।

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आईएमडी ने की यह अपील

आईएमडी ने लोगों से भूस्खलन संभावित क्षेत्रों, नदी-नालों और जलभराव वाले इलाकों से दूर रहने की अपील की है। साथ ही, अनावश्यक यात्रा से बचने और प्रशासन व मौसम विभाग की एडवाइजरी का पालन करने की सलाह दी गई है। ट्रेकिंग और अन्य पर्वतीय गतिविधियों से भी फिलहाल परहेज करने का सुझाव दिया गया है।

मौसम की पल-पल की लाइव रिपोर्ट और अपने जिले के सटीक पूर्वानुमान के लिए हमारे साथ बने रहें।

CJP Protest: जंतर-मंतर पर प्रदर्शनकारियों के लिए देशभर से पहुंच रहा खाना, अनजान लोगों ने भेजे सैकड़ों फूड ऑर्डर

food delivery at jantar mantar

CJP Protest : जंतर-मंतर पर सीजेपी के विरोध प्रदर्शन में बड़ी संख्या में फूड डिलीवर कंपनियों के कर्मचारी दिखाई दे रहे हैं। ये कर्मचारी आंदोलन का हिस्सा नहीं है। ये लोग यहां मुंबई, हैदराबाद, दिल्ली समेत देशभर से मिले खाने के ऑडर्स की डिलिवरी के लिए यहां आए हैं। ऑर्डर देने वालों ने उन्हें कहा है कि जो भी भूखा दिखे उसे दे देना। ALSO READ: CJP Protest : दिल्ली में झड़प के बीच गुरुद्वारा बंगला साहिब बना सहारा, घायल प्रदर्शनकारियों और राहगीरों को मिली मदद

 

सोशल मीडिया पर जंतर-मंतर पर सीजेपी के प्रोटेस्ट की खबरें देखकर बड़ी संख्‍या में लोग यहां आ रहे हैं। रात-दिन प्रदर्शनकारी धरनास्थल पर डटे हुए हैं। इन्हें कोई परेशानी नहीं हो इसके लिए आंदोलन स्थल से दूरी बना रहे लोग भी मदद करने में पीछे नहीं है।

 

एक अनुमान के अनुसार, अनाम आर्डर देने वालों ने जंतर-मंतर पर करीब 500 आर्डर दिए होंगे। कोई खाना पहुंचा रहा है तो कोई पानी। पिज्जा, बर्गर, समोसे भी पहुंचाएं जा रहे हैं। कोल्ड ड्रिंक, आइसक्रीम, बिस्कुट, टॉफियां और फल भी आ रहे हैं। ALSO READ: PM आवास पर कांग्रेस का धरना, हाईवोल्टेज हंगामा, राहुल, प्रियंका और अखिलेश समेत सभी नेता पुलिस हिरासत से छूटे


एक वीडियो भी इंटरनेट मीडिया पर प्रसारित हो रही है, जिसमें एक डिलीवरी पार्टनर को वर्षा के बीच डटे प्रदर्शनकारियों को खाने का पैकेट देते हुए यह कहते सुना जा रहा है कि मुंबई के एक निवासी द्वारा पेमेंट कर दिए गए की डिलीवरी करने आए हैं।

इसी तरह, सोमवार को भी कई युवा संसद मार्ग पर आर्डर देकर फूड डिलीवर कंपनियों से आर्डर मंगाकर प्रदर्शनकारियों को बांटने दिखाई दिया। जबकि, जनपथ मार्ग पर ऐसे फूड डिलीवर कंपनियों के डिलीवरी ब्वायों को काफी संख्या में देखा गया। ALSO READ: CJP Protest: 'हमको लग रहा था कि भीड़ हम पर हमला कर देगी', कंगना रनौत ने बताया संसद के अंदर कैसा था माहौल?

 

फूड डिलीवर कंपनियों के कर्मचारी के साथ ही बड़ी संख्‍या में अन्य लोग भी आंदोलन स्थल के अंदर और बाहर बड़ी संख्या में लोग घूम-घूमकर समान बांट रहे थे। 

Top News 22 July: हिरासत से रिहा हुए राहुल गांधी, दिल्ली में झड़प के बीच गुरुद्वारा बना प्रदर्शनकारियों का सहारा

top news 22 july

Top News 22 July : पीएम ऑफिस के पास धरना दे रहे विपक्षी नेताओं को पुलिस ने रिहा किया। दिल्ली में झड़प के बाद गुरुवारा बना घायल प्रदर्शनकारियों का सहारा। छात्र आंदोलन पर पहली बार शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का बयान, कहा-राहुल गांधी छात्रों का फायदा उठा रहे हैं। राम मंदिर ट्रस्ट की अहम बैठक आज। अमेरिका में जेनेरिक दवाओं पर 2 साल टैरिफ नहीं। 22 जुलाई की बड़ी खबरें : 

 

हाईवोल्टेज हंगामे के बाद राहुल समेत सभी नेता रिहा

पीएम आवास के पास धरना दे रहे राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और अखिलेश यादव समेत कई नेताओं को पुलिस ने हिरासत में लिया। राहुल को छत्रसाल स्टेडियम और प्रियंका को छत्रसाल स्टेडियम ले जाया गया। हालांकि कुछ ही घंटों बाद पुलिस ने सभी को रिहा कर दिया। ALSO READ: PM आवास पर कांग्रेस का धरना, हाईवोल्टेज हंगामा, राहुल, प्रियंका और अखिलेश समेत सभी नेता पुलिस हिरासत से छूटे

 

दिल्ली में झड़प के बीच गुरुद्वारा बना सहारा

गुरुद्वारा बंगला साहिब कई घायल प्रदर्शनकारियों, फंसे हुए यात्रियों और हिंसक माहौल में परेशान राहगीरों के लिए सुरक्षित ठिकाना बनकर सामने आया। पुलिस से बचने के लिए कई लोगों ने गुरुद्वारे के परिसर में शरण ली। गुरुद्वारा प्रबंधन और सेवदारों ने हिंसा से बचकर पहुंचे लोगों का स्वागत किया और उन्हें आराम करने के लिए सुरक्षित स्थान उपलब्ध कराया। ALSO READ: CJP Protest : दिल्ली में झड़प के बीच गुरुद्वारा बंगला साहिब बना सहारा, घायल प्रदर्शनकारियों और राहगीरों को मिली मदद

 

छात्र आंदोलन पर क्या बोले धर्मेंद्र प्रधान?

शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा है कि राहुल गांधी छात्रों का फायदा उठा रहे हैं। उन्होंने सरकार की जवाबदेही की तरफ संकेत करते हुए कहा, हमें युवाओं और छात्रों के लिए इनके गुस्से से कहीं अधिक करने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार नीट पर चर्चा करने और सदन में हमारे युवाओं की हर सही चिंता को दूर करने के लिए सौ फीसदी प्रतिबद्ध है। भारत के छात्र राजनीतिक अभियान में मोहरा बनने से कहीं बेहतर के हकदार हैं। वे अव्यवस्था के बजाय निश्चितता, नारों के बजाय समाधान और गड़बड़ी के बजाय जिम्मेदारी के हकदार हैं। ALSO READ: शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का बड़ा बयान, बोले- छात्रों का राजनीतिक इस्तेमाल कर रहे हैं राहुल गांधी

 

आज राम मंदिर ट्रस्ट की अहम बैठक

श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की आज होने वाली महत्वपूर्ण बैठक में संगठनात्मक ढांचे और मंदिर की प्रशासनिक व्यवस्था से जुड़े कई बड़े फैसले लिए जा सकते हैं। बैठक में ट्रस्ट के नए महासचिव के चयन के साथ ही लंबे समय से रिक्त पड़े दो अन्य महत्वपूर्ण पदों को भरने पर भी निर्णय होने की संभावना है। 

 

जेनेरिक दवाओं पर 2 साल टैरिफ नहीं

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर अपनी पोस्ट में कहा, '1 अगस्त, 2026 से, यूनाइटेड स्टेट्स में लाई जाने वाली सभी जेनेरिक दवाओं पर दो साल के लिए ज़ीरो परसेंट टैरिफ 

 

लगा रहेगा, जिसके बाद टैरिफ एक साल के लिए 100% और उसके बाद 200% हो जाएगा।'

शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का बड़ा बयान, बोले- छात्रों का राजनीतिक इस्तेमाल कर रहे हैं राहुल गांधी

education minister dharmendra pradhan on student protest

शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने नीट पेपर लीक के खिलाफ छात्र आंदोलन पर अपनी पहली प्रतिक्रिया में कहा कि राहुल गांधी और कांग्रेस छात्रों का फायदा उठा रहे हैं। उनका उद्देश्य छात्रों के लिए समाधान खोजना नहीं था। बल्कि उनका मकसद राजनीतिक सुर्खियों के लिए हंगामा करना था। प्रधान ने कहा कि छात्र किसी राजनीतिक अभियान में कठपुतली की तरह इस्तेमाल होने से कहीं बेहतर के हकदार हैं। ALSO READ: PM आवास पर कांग्रेस का धरना, हाईवोल्टेज हंगामा, राहुल, प्रियंका और अखिलेश समेत सभी नेता पुलिस हिरासत से छूटे

 

धर्मेंद्र प्रधान ने सोशल मीडिया साइट एक्स पर अपनी पोस्ट में कहा कि नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और कांग्रेस संसद के मानसून सत्र के दौरान व्यवधान पैदा करने के लिए छात्रों का राजनीतिक औजार के रूप में बेशर्मी से इस्तेमाल करना जारी रखे हुए हैं।

 

राजनीतिक सुर्खियों के लिए हंगामा करना था मकसद 

उन्होंने कहा कि राहुल और कांग्रेस ने प्रधानमंत्री के आवास के बाहर धरना देने का रास्ता चुना, जिससे जनता को असुविधा हुई और तय सुरक्षा प्रोटोकॉल की अनदेखी की गई। सरकार द्वारा व्यापक चर्चा के लिए अपनी तैयारी व्यक्त करने के बाद भी, कांग्रेस ने लोकतांत्रिक बहस के बजाय राजनीतिक तमाशा चुना। उनका उद्देश्य छात्रों के लिए समाधान खोजना कभी था ही नहीं, बल्कि उनका मकसद राजनीतिक सुर्खियों के लिए हंगामा करना था।

सरकार समाधान के लिए 100% प्रतिबद्ध

धर्मेंद्र प्रधान ने अपनी पोस्ट में कहा कि राहुल गांधी के लिए, यह छात्रों के बारे में नहीं है। यह चर्चा के हर वास्तविक रास्ते के खुलने के बाद भी जानबूझकर टकराव पैदा करने के बारे में है। हमारी सरकार NEET पर चर्चा करने और सदन के पटल पर हमारे युवाओं की हर वास्तविक चिंता का समाधान करने के लिए 100% प्रतिबद्ध है। ALSO READ: CJP Protest : दिल्ली में झड़प के बीच गुरुद्वारा बंगला साहिब बना सहारा, घायल प्रदर्शनकारियों और राहगीरों को मिली मदद

 

छात्र बेहतर के हकदार

उन्होंने कहा कि भारत के छात्र किसी राजनीतिक अभियान में कठपुतली की तरह इस्तेमाल होने से कहीं बेहतर के हकदार हैं। वे अराजकता के बजाय निश्चितता, नारों के बजाय समाधान और व्यवधान के बजाय जवाबदेही के हकदार हैं।

LIVE: राहुल गांधी बोले, छात्रों के लिए न्याय की लड़ाई जारी रहेगी

rahul gandhi support students protest

Latest News Today Live Updates in Hindi : जंतर मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी का धरना बुधवार को भी जारी। राहुल गांधी ने कहा कि कांग्रेस मामले पर संसद में चर्चा चाहती है। शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि सरकार संसद में नीट मामले में चर्चा के लिए तैयार है। पल पल की जानकारी…

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर अपनी पोस्ट में कहा, '1 अगस्त, 2026 से, यूनाइटेड स्टेट्स में लाई जाने वाली सभी जेनेरिक दवाओं पर दो साल के लिए ज़ीरो परसेंट टैरिफ लगा रहेगा, जिसके बाद टैरिफ एक साल के लिए 100% और उसके बाद 200% हो जाएगा।'

-राहुल गांधी ने कहा कि कांग्रेस मामले पर संसद में चर्चा चाहती है। छात्रों के लिए न्याय की लड़ाई जारी रहेगी।

-शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि सरकार संसद में नीट मामले में चर्चा के लिए तैयार है। उन्होंने पीएम आवास के पास कांग्रेस के धरने को गलत बताया। 

-रफी मार्ग समेत संसद भवन के पास कई सड़कों पर भारी बैरिकेडिंग लगाई गई है।

यूपी में कांवड़ यात्रा के दौरान निर्बाध विद्युत आपूर्ति के लिए बड़ी तैयारी, UPPCL ने कसी कमर

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UP Kanwar Yatra: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश सरकार कांवड़ यात्रा और अन्य धार्मिक आयोजनों को सुरक्षित, सुव्यवस्थित और निर्विघ्न बनाने के लिए पूरी मुस्तैदी से तैयारियों में जुटी है। श्रद्धालुओं को निर्बाध विद्युत आपूर्ति उपलब्ध कराने और किसी भी प्रकार की विद्युत दुर्घटना से बचाने के उद्देश्य से ऊर्जा विभाग ने प्रदेशभर में व्यापक स्तर पर तैयारियां तेज कर दी हैं।

 

इसी क्रम में अपर मुख्य सचिव (ऊर्जा) एवं उत्तर प्रदेश पावर कारपोरेशन के अध्यक्ष डॉ. आशीष कुमार गोयल ने डिस्कॉम अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक कर स्पष्ट निर्देश दे दिए हैं। बैठक में निर्देश दिए गए कि कांवड़ यात्रा शुरू होने से पहले सभी सार्वजनिक और धार्मिक स्थलों पर विद्युत सुरक्षा के दृष्टिगत आवश्यक अनुरक्षण कार्य पूरे कर लिए जाएं। मंदिर समितियों और अन्य आयोजनकर्ताओं को भी विद्युत सुरक्षा के प्रति जागरूक किया जाए। 

ट्रांसफॉर्मर को लेकर सख्त चेतावनी

बैठक में जनप्रतिनिधियों से समन्वय बनाकर क्षेत्र में चल रहे विद्युत सुधार कार्यों की जानकारी साझा करने के निर्देश भी दिए गए हैं। साथ ही निर्देश दिए गए हैं कि ट्रांसफार्मर की खराबी की घटनाओं में कमी आनी चाहिए। अधीक्षण अभियन्ता भी इसके लिए सजग रहें। अन्यथा ट्रांसफार्मर क्षतिग्रस्त होने पर अधीक्षण अभियन्ता पर भी कार्रवाई होगी। जहां अस्थाई कनेक्शन में विलम्ब हुआ है, वहां जांच करके कार्रवाई की जाए। अस्थाई कनेक्शन अतिशीध्र स्वीकृत होना चाहिए।  

 

यूपीपीसीएल ने अनुरक्षण कार्यों के दौरान सुरक्षा मानकों के कड़ाई से पालन पर भी जोर दिया है। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि सभी कर्मचारी सुरक्षा उपकरण पहनकर ही कार्य करें ताकि विद्युत संबंधी दुर्घटनाओं से बचा जा सके। साथ ही बरसात के मौसम को देखते हुए अधिकारियों को नियमित क्षेत्र भ्रमण कर स्थानीय फॉल्ट का त्वरित निस्तारण करने और निर्बाध विद्युत आपूर्ति बनाए रखने को कहा गया है।

 

डॉ. गोयल ने बताया कि प्रदेश के सभी क्षेत्रों में पर्याप्त विद्युत सामग्री उपलब्ध है। अधिशासी अभियंताओं को स्थानीय स्तर पर आवश्यक सामग्री खरीदने के लिए वित्तीय अधिकार और धनराशि भी उपलब्ध कराई गई है, ताकि दैवी आपदा या खराब मौसम की स्थिति में न्यूनतम समय में बिजली आपूर्ति बहाल की जा सके। इस तरह कांवड़ यात्रा के दौरान प्रदेशभर में सुरक्षित और सुचारु विद्युत व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए मुख्यमंत्री के मार्गदर्शन में यूपीपीसीएल पूरी तत्परता के साथ कार्य कर रहा है।

कैलाश विजयवर्गीय के NEET छात्रों को कीड़ा बताने वाले बयान पर विधानसभा में जमकर हंगामा, रात 11 बजे तक दिया धरना, भुट्टा पार्टी के अरमानों पर फिरा पानी

kailash vijaywargiya

अपने बयानों के कारण अक्सर विवादों में रहने वाले कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के नीट छात्रों की कीड़े से तुलना करने के बयान पर मंगलवार को विधानसभा में जमकर हंगामा हो गया। कैलाश विजयवर्गीय के बयान के विरोध में कांग्रेस ‌विधायकों ने जमकर हंगामा किया और सदन के बाहर धरने पर बैठ गए। इस दौरान ऩेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार और कैलाश विजयवर्गीय की तीखी नोंक झोंक भी हुई। विधानसभा  मुख्यमंत्री के चैंबर के बाहर धरना दे रहे  कांग्रेस विधायकों का धरना रात 11 बजे खत्म हुआ।

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कांग्रेस विधायकों के हंगामे के कारण नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय की पारंपरिक भुट्टा पार्टी पर पानी फिर गया।  कीड़ा वाले बयान पर छिड़ा संग्राम- सदन में विवाद की मुख्य वजह कांग्रेस का वह गंभीर आरोप है, जिसमें कहा गया कि मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने नीट (NEET) परीक्षा में धांधली और भ्रष्टाचार के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे छात्रों को कथित तौर पर कीड़ा कहकर संबोधित किया है। विपक्ष के नेता उमंग सिंघार के नेतृत्व में कांग्रेस विधायक दल ने इसे सीधे तौर पर देश और प्रदेश के होनहार युवाओं और छात्रों का घोर अपमान करार दिया। 

कांग्रेसियों का धरना और 'रायता फैलाओ' रणनीति

एक तरफ जहां सत्तापक्ष के लोग भुट्टे चबाने की तैयारी में थे, वहीं कांग्रेसियों ने इस मुद्दे को लेकर सदन के भीतर और बाहर जमकर नारेबाजी शुरू कर दी। कांग्रेस विधायकों का कहना था कि भाजपा सरकार छात्रों के साथ हो रही बर्बरता और उनके भविष्य से जुड़े खिलवाड़ पर विधानसभा में चर्चा ही नहीं करना चाहती।  जब तक कैलाश विजयवर्गीय सार्वजनिक रूप से देश के छात्रों से माफी नहीं मांग लेते, तब तक कांग्रेस का विरोध प्रदर्शन और धरना खत्म नहीं होगा।

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कांग्रेस के कई विधायक सदन के गर्भगृह में आ गए और जमीन पर बैठकर धरना देने लगे, जिससे विधायी कार्य पूरी तरह बाधित हो गया। जहां बीजेपी इस पूरे हंगामे को कांग्रेस द्वारा जबरन पैदा किया गया 'रायता' और भुट्टा पार्टी के सौहार्दपूर्ण माहौल को बिगाड़ने की साजिश बता रही है, वहीं कांग्रेस का साफ कहना है कि छात्रों के सम्मान के आगे किसी भी तरह का भोज या उत्सव उनके लिए मायने नहीं रखता। फिलहाल इस 'भुट्टा बनाम कीड़ा' राजनीति ने मध्य प्रदेश के इस सत्र को पूरी तरह गरमा दिया है।

PM आवास पर कांग्रेस का मार्च, राहुल-प्रियंका समेत नेताओं को हिरासत के बाद रिहा किया गया

परीक्षा पत्र लीक के कथित मामलों, विशेष रूप से नीट (NEET) विवाद, और छात्रों के मुद्दों पर जवाबदेही की मांग को लेकर कांग्रेस ने मंगलवार को प्रधानमंत्री आवास की ओर मार्च निकाला। इस दौरान लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा समेत कई वरिष्ठ नेता और बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता शामिल हुए।प्रदर्शन के दौरान दिल्ली पुलिस ने राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और अन्य कांग्रेस नेताओं को हिरासत में लिया। कई घंटे तक हिरासत में रखने के बाद देर शाम उन्हें रिहा कर दिया गया। पुलिस ने अखिलेश यादव समेत सभी नेताओं को रिहा कर दिया।

 

पीएम, शिक्षा मंत्री और गृह मंत्री के इस्तीफे की मांग

 

राहुल गांधी ने नई दिल्ली स्थित 7, लोक कल्याण मार्ग (प्रधानमंत्री के आधिकारिक आवास) के बाहर प्रदर्शन का नेतृत्व करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के इस्तीफे की मांग की।

 

कांग्रेस का आरोप है कि एक दिन पहले Cockroach Janata Party (CJP) के 'चलो संसद' मार्च के दौरान प्रदर्शनकारियों और छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई के लिए सरकार जिम्मेदार है और उसे इसकी जवाबदेही लेनी चाहिए।

 

राहुल गांधी ने सरकार पर लगाए गंभीर आरोप

 

राहुल गांधी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (X) पर कहा कि कांग्रेस प्रधानमंत्री आवास तक इसलिए मार्च कर रही है ताकि छात्रों और प्रदर्शनकारियों पर हुई कथित पुलिस ज्यादती को लेकर सरकार से जवाब मांगा जा सके।

 

उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार इस घटना की जिम्मेदारी लेने से बच रही है और संसद में इस मुद्दे पर चर्चा भी नहीं होने दे रही। राहुल गांधी ने दोहराया कि इस मामले में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह को अपने पद से इस्तीफा देना चाहिए।

 

संसद के मानसून सत्र के बीच हुआ प्रदर्शन

 

यह प्रदर्शन संसद के मानसून सत्र के दूसरे दिन आयोजित किया गया। इससे एक दिन पहले Cockroach Janata Party (CJP) के 'चलो संसद' मार्च के दौरान दिल्ली पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़प हुई थी, जिसमें कई प्रदर्शनकारी घायल हो गए थे। इसी घटना के विरोध में कांग्रेस ने प्रधानमंत्री आवास की ओर मार्च निकालकर केंद्र सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया।

CJP Protest : दिल्ली में झड़प के बीच गुरुद्वारा बंगला साहिब बना सहारा, घायल प्रदर्शनकारियों और राहगीरों को मिली मदद

cjp protest jantar mantar

राजधानी दिल्ली में सोमवार को कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच हुई झड़पों के बाद हालात तनावपूर्ण हो गए। संसद मार्ग, कनॉट प्लेस और शिवाजी स्टेडियम के आसपास के इलाकों में प्रदर्शनकारियों की भीड़, पुलिस बैरिकेडिंग और आंसू गैस के कारण यातायात प्रभावित रहा।

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इस दौरान गुरुद्वारा बंगला साहिब कई घायल प्रदर्शनकारियों, फंसे हुए यात्रियों और हिंसक माहौल में परेशान राहगीरों के लिए सुरक्षित ठिकाना बनकर सामने आया। प्रदर्शन के चलते जब आसपास की सड़कें जाम हो गईं और पुलिस कार्रवाई के कारण लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा, तो कई लोगों ने गुरुद्वारे के परिसर में शरण ली। गुरुद्वारा प्रबंधन और सेवदारों ने हिंसा से बचकर पहुंचे लोगों का स्वागत किया और उन्हें आराम करने के लिए सुरक्षित स्थान उपलब्ध कराया।

 

सेवादारों ने घबराए हुए लोगों को भरोसा दिलाया और जरूरतमंदों को सहायता दी। घायल प्रदर्शनकारियों और राहगीरों को राहत देने के लिए गुरुद्वारे में मानवीय सहायता का माहौल दिखाई दिया। प्रदर्शन के दौरान पैदा हुए तनाव के बीच गुरुद्वारा बंगला साहिब ने एक बार फिर सेवा और मानवता की मिसाल पेश की, जहां बिना किसी भेदभाव के संकट में फंसे लोगों को सहारा दिया गया।

नए भारत के ‘नए यूपी’ में नहीं होगा किसी विदेशी आक्रांता का स्मारक व मेला : CM योगी

Yogi Adityanath Bahraich: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि सपा व कांग्रेस ने उत्तर प्रदेश और महाराजा सुहेलदेव को कभी सम्मान नहीं दिया, बल्कि भारत को रौंदने, बहराइच व मां पाटेश्वरी धाम को लूटने आए आए विदेशी आक्रांता सालार मसूद के नाम पर गाजी मियां का मेला लगाना शुरू कर दिया था। हमारी सरकार ने स्पष्ट किया कि ‘नए भारत’ के ‘नए यूपी’ में किसी विदेशी आक्रांता का स्मारक और उसके नाम पर मेला स्वीकार नहीं होगा। बहराइचवासियों ने गाजी के नाम पर होने वाले आयोजन को रोक दिया। सरकार व्यवस्था करेगी कि आगे भी गाजी के नाम पर नहीं, बल्कि महाराजा सुहेलदेव के नाम पर भव्य मेले व आयोजन हों।

 

मुख्यमंत्री मंगलवार को महसी व नानपारा विधानसभा क्षेत्र के विकास के लिए 352 करोड़ रुपये से अधिक की 70 परियोजनाओं का लोकार्पण/शिलान्यास करने के उपरांत जनसमूह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि बहराइच एस्पिरेशनल से अब इंस्परेशनल डिस्ट्रिक्ट बन रहा है। कभी सबसे पीछे रहने वाला बहराइच देश में अब अग्रणी भूमिका निभाता है। सीएम ने नीति आयोग के नए डेटा का उल्लेख करते हुए कहा कि एस्पिरेशनल डिस्ट्रिक्ट की रैंकिंग में बहराइच की नई पहचान स्थापित हुई है। यह बुनियादी ढांचे में पहले, कृषि में दूसरे व शिक्षा में चौथे स्थान पर है। बहराइच की इस उपलब्धि के लिए नीति आयोग ने अलग से जनपद को 21 करोड़ रुपये दिए हैं। 

सपा-कांग्रेस को गाजी मियां का मेला कराने से नहीं थी फुर्सत 

मुख्यमंत्री ने कहा कि सपा व कांग्रेस को कब्रिस्तान की बाउंड्री बनाने और गाजी मियां का मेला लगाने से फुर्सत नहीं मिलती थी। महाराज सुहेलदेव ने गाजी मियां को ऐसी मौत दी थी, जिसे इस्लाम में सबसे खराब माना जाता है। एनडीए सरकार ने चित्तौरा में महाराजा सुहलदेव का भव्य स्मारक बनाया। जो कार्य 1947-48 में होना चाहिए था, वह कार्य मोदी जी के प्रधानमंत्री बनने और यूपी में डबल इंजन सरकार आने के बाद हो पाया। 

बाराबंकी-बहराइच एक्सेस कंट्रोल्ड फोरलेन कॉरिडोर निर्माण के लिए 7000 करोड़

मुख्यमंत्री ने बहराइचवासियों को विकास योजनाओं की जानकारी देते हुए बताया कि यहां महाराज सुहेलदेव के नाम पर मेडिकल कॉलेज, ऋषि बालार्क के नाम पर अस्पताल है। लखनऊ से बहराइच फोरलेन निर्माण के लिए धनराशि स्वीकृत हुई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी ने 102 किमी लंबे बाराबंकी-बहराइच एक्सेस कंट्रोल्ड फोरलेन कॉरिडोर निर्माण के लिए 7000 करोड़ रुपए स्वीकृत किए हैं। 115 करोड़ रुपए से घाघरा (सरयू) पर बाढ़ बचाव की 22 परियोजनाएं स्वीकृत की गई हैं। रुपईडीहा (नेपाल) सीमा पर इंडस्ट्रियल लॉजिस्टिक कॉरिडोर विकसित करने की योजना तैयार है। बहराइच से खलीलाबाद रेल लाइन निर्माण के लिए भूमि अधिग्रहण कार्य चल रहा है। गोरखपुर से शामली तक बनने वाला इकॉनमिक कॉरिडोर बहराइच से होकर ही जाएगा। इस इंफ्रास्ट्रक्चर से बहराइच उद्योग व निवेश के नए केंद्र के रूप में विकसित होगा, जिससे नौजवानों को रोजगार/नौकरी मिलेगी।

अब बहराइच में दिखती है विकसित भारत की उज्ज्वल तस्वीर

मुख्यमंत्री ने कहा कि अब बहराइच में भी विकसित भारत की उज्ज्वल तस्वीर दिखती है। यहां कतर्नियाघाट की अनुपम प्राकृतिक धरोहर है। किसानों ने प्राकृतिक खेती के लिए जिन जनपदों में सर्वाधिक कार्य किया है, उसमें बहराइच भी है। डबल इंजन सरकार ने जो कार्य किया है, वह विधायक-सांसद आदि की दिन-रात मेहनत के कारण संभव हो पाया है, क्योंकि ये लोग दिल्ली/लखनऊ में मजबूत पैरवी करते हैं। 12 कस्तूरबा विद्यालयों को अपग्रेड कर 12वीं तक किया गया है। 32 राजकीय नवीन हाईस्कूल व राजकीय इंटर कॉलेज, दो राजकीय बालिका इंटर कॉलेज के निर्माण व उन्नयन कार्य, 2 मुख्यमंत्री कंपोजिट विद्यालयों के निर्माण की परियोजना चल रही है। साथ ही भरथापुर में दलित, वंचित व पिछड़ी जाति के 500 विस्थापित लोगों के पुनर्वास के लिए नई कॉलोनी बन रही है। 

लंबी छलांग लगाने की तैयारी में बहराइच 

मुख्यमंत्री ने कहा कि नीति आयोग के सर्वे बताते हैं कि बहराइच अब लंबी छलांग लगाने की तैयारी कर रहा है। जो क्षेत्र कभी भारत की सत्ता के संचालन का केंद्र हुआ करता था, वह पिछड़ा और बीमारू कैसे हो सकता था। दरअसल बीमारू मानसिकता के कारण तत्कालीन सरकारों ने बहराइच को पीछे धकेल दिया था, लेकिन डबल इंजन सरकार के कारण हर क्षेत्र में परिवर्तन आया। अब यूपी में उपद्रव नहीं, उत्सव है। अन्य प्रदेश के लोग अब यूपीवालों को शंका की दृष्टि से नहीं देखते, बल्कि गले लगाते हैं। काशी, अयोध्या, लखनऊ, नैमिषारण्य, बहराइच आने वाले लोग अब अभिभूत होकर लौटते हैं।

कभी देश के सबसे बीमार 100 जनपदों में शामिल था बहराइच

मुख्यमंत्री ने 9 साल पहले बहराइच की दुर्दशा का जिक्र किया, कहा कि यह जनपद हाथ फैलाने को मजबूर था। लैंड, सैंड, वन माफिया प्राकृतिक संसाधनों को लूटते थे, जिससे यहां के लोग बदनाम होते थे। सत्ता के संरक्षण में रहने वाले माफिया अनैतिक गतिविधियों का संचालन करते थे। यहां के नागरिकों व जनपद की आर्थिक स्थिति भी खराब थी। नीति आयोग ने जो रिपोर्ट जारी की थी, उसमें देश के सबसे बीमार 100 जनपदों में बहराइच भी शामिल था। 

कांग्रेस-सपा के एजेंडे में सिर्फ एक वंश व परिवार का विकास 

सीएम ने कहा कि बहराइच के बच्चों का असमय बीमारी की चपेट में आना चिंता का विषय़ था। जिसने महाराजा सुहेलदेव के शौर्य, बालार्क ऋषि की साधना/सिद्धि, महाराजा बलभद्र सिंह चहलारी के बलिदान को स्मरण किया होगा, उसे बहराइच का बीमारूपन चिंतित करता था। लेकिन, सपा व कांग्रेस के एजेंडे में सिर्फ एक वंश, परिवार व स्वयं का विकास था। 

शाम 7 बजे के बाद सजती थी बबुआ की महफिल

सीएम ने कहा कि सपा सरकार के दौर में बबुआ 12 बजे सोकर उठते थे, 2 बजे तक तैयार होते थे। चच्चू बताते थे, फिर भी उनकी समझ में बात नहीं आती थी। 5 बजे जिम जाते थे और वहां से लौटने के बाद शाम 7 बजे महफिल जम जाती थी, जहां प्रदेश की योजनाएं समाप्त कर बंटाधार किया जाता था। उस दौरान यूपी के नौजवान, किसान, बहन-बेटी की बदहाल स्थिति किसी से छिपी नहीं है। त्योहारों के पहले उपद्रव होता था। तब सड़क, बिजली, आवास, राशन, आयुष्मान सुविधा तक नहीं थी। हालांकि पैसा पहले भी था, लेकिन नीयत साफ नहीं थी। महाभारत के रिश्तों वाले सैफई खानदान के चाचा, भतीजे, रिश्तेदार पैसे लूट लेते थे और किसी ने आवाज उठाई तो उसके घर पर कब्जा कर लिया जाता था। 

बेटी-व्यापारी की सुरक्षा में सेंध लगाने पर जेल या जहन्नुम

सीएम ने प्रदेश में गरीबों को मिलने वाली सुविधाओं को भी गिनाया। उन्होंने कहा कि अब चेहरा, जाति देखे बिना तत्काल मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष से इलाज के लिए पैसा दिया जाता है। हम तुष्टिकरण की नीति पर नहीं, बल्कि ‘सबका साथ-सबका विकास’ भावना से काम करते हैं। अपराध व अपराधियों के प्रति जीरो टॉलरेंस जारी रहेगा। बेटी-व्यापारी की सुरक्षा में सेंध लगाने वालों के लिए जेल या जहन्नुम ही एकमात्र जगह होगी।

वन्यजीवों से बचाव के लिए बरतें सतर्कता

मुख्यमंत्री ने कहा कि इस क्षेत्र में वन्यजीवों (टाइगर, लैपर्ड, मगरमच्छ, लकड़बग्घा आदि) का खतरा बना रहता है। इनके कारण हर वर्ष व्यापक जनहानि भी होती है, इसलिए सावधानी बरतने की आवश्यकता है। सीएम ने प्रशासन व वन विभाग को निर्देशित किया कि पेट्रोलिंग बढ़ाएं, लाइटें व घरों में दरवाजे लगवाएं। सीएम ने अपील की कि लोग संवेदनशील स्थानों को लेकर सतर्क रहें। ऐसे स्थानों पर छोटे बच्चों को लेकर न चलें। वन्यजीवों से बचाव के लिए साथ में डंडा आदि रखें। सतर्कता से ही सुरक्षा होगी। ग्राम प्रधान, क्षेत्र व जिला पंचायत अध्यक्ष, ब्लॉक प्रमुख के साथ ही विधायक, सांसद, पूर्व विधायक/पूर्व सांसद, चेयरमैन आदि जनप्रतिनिधि इस संबंध में बैठक कर लोगों को जागरूक करें। 

 

इस दौरान उद्यान मंत्री दिनेश प्रताप सिंह, सांसद आनंद गोंड, विधायक सुरेश्वर सिंह, रामनिवास वर्मा, अनुपमा जायसवाल, सुभाष त्रिपाठी, सरोज सोनकर, विधान परिषद सदस्य पद्मसेन चौधरी, प्रज्ञा त्रिपाठी, जिला पंचायत प्रशासक मंजू सिंह, पूर्व सांसद अक्षयवर लाल गोंड, पूर्व कैबिनेट मंत्री मुकुट बिहारी वर्मा, भाजपा जिलाध्यक्ष बृजेश पांडेय, अपना दल के जिलाध्यक्ष गिरीश पटेल आदि मौजूद रहे।